अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में डॉ. महीपाल सिंह ने "कारक विभक्ति विश्लेषण" पर किया शोध प्रस्तुतिकरण
केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय, नई दिल्ली और श्री अरविंदो योगा एंड नॉलेज फाउंडेशन के तत्वावधान में "चैलेंजेज एंड पॉसिबिलिटीज ऑफ पाली एंड बुद्धिस्ट स्टडीज" विषय पर एक अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन 19 फरवरी 2025 से 23 फरवरी 2025 तक बैंकाक, थाईलैंड में किया गया। इस संगोष्ठी में वेदव्यास परिसर के साहित्य विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. महीपाल सिंह ने कच्चायन व्याकरण के आलोक में "कारक विभक्ति विश्लेषण" विषय पर अपना शोध पत्र प्रस्तुत किया। कार्यक्रम के संयोजक डॉ. नितिन जैन, केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय, नई दिल्ली भी इस अवसर पर उपस्थित रहे। संगोष्ठी के सत्राध्यक्ष के रूप में प्रो. राम नंदन सिंह, संकाय अध्यक्ष, बौद्ध दर्शन विभाग, केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय, नई दिल्ली ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ. मथाईयां बलिएट, विभागाध्यक्ष, ग्लोबल बुद्धिज्म इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस, इनोवेशन एंड कल्चर, राजमंगला यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी कुरुंगथेप, बैंकाक (थाईलैंड) रहे।कार्यक्रम की अध्यक्षता केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. श्रीनिवास वारखेड़ी ने अपने आशीर्वचनों से की। इस अवसर पर केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय वेदव्यास परिसर, बलाहर की निदेशक महोदया प्रो. सत्यम कुमारी ने ऑनलाइन माध्यम से डॉ. महीपाल सिंह को मंगलकामनाएं भेजी।
