कांग्रेस पार्टी के नेताओं को भ्रष्टाचार पर बोलने का कोई अधिकार नहीं : रणधीर शर्मा
कांग्रेस के नेताओं द्वारा मुख्यमंत्री से त्यागपत्र मांगे जाने पर कड़ा रुख अपनाते हुए भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता रणधीर शर्मा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी के नेताओं कार्यकर्ताओं को भ्रष्टाचार पर बोलने का कोई अधिकार नहीं है। वह बिलासपुर में पत्रकारों को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जिस कांग्रेस पार्टी की केंद्र और प्रदेश सरकारों में असंख्य घोटाले हुए हो और जिस पार्टी के राष्ट्रीय और प्रदेश नेता भ्रष्टाचार के आरोपों के तहत जमानत पर हो उस पार्टी के नेता दूसरों पर आरोप लगाए या उन्हें शोभा नहीं देता।
भारतीय जनता पार्टी ने भ्रष्टाचार से ना कभी समझौता किया है ना करेगी। शर्मा ने कहा कि हिमाचल प्रदेश की भारतीय जनता पार्टी की सरकार भी भ्रष्टाचार के प्रति अपनी जीरो टॉलरेंस की नीति पर कायम है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने सचिवालय में सैनिटाइजर घोटाला उजागर हुआ तो तुरंत विजिलेंस की जांच के आदेश दिए वह जांच चल रही है। स्वास्थ्य विभाग में यह मामला सामने आया भ्रष्टाचार का तो स्वास्थ्य निदेशक के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई और जांच के आदेश दिए। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने जिस तरह से भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त एक्शन लिया और कार्यवाही की भारतीय जनता पार्टी इसके लिए उनका स्वागत करती है।
उन्होंने कहा कि जिस तरह पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ राजीव बिंदल ने नैतिकता के आधार पर त्यागपत्र दिया वह भी काबिले तारीफ है। उन कोई आरोप नहीं था। मीडिया में सिर्फ इतनी बात आ रही थी कि उस घोटाले में कहीं ना कहीं किसी भाजपा नेता का हाथ है। भारतीय जनता पार्टी के मुखिया होने के नाते प्रदेश अध्यक्ष होने के नाते उन्होंने नैतिकता के आधार पर त्यागपत्र दिया यह एक बहुत ही बड़ा उदाहरण प्रस्तुत किया है। इस मुद्दे पर कांग्रेसी अपना वक्तव्य दें उन्हें कतई शोभा नहीं देता क्योंकि ना तो उन्होंने कभी इन मुद्दों पर कार्रवाई की है और ना ही कभी उन मुद्दों पर नैतिकता के आधार पर कभी त्यागपत्र दिया है। भारतीय जनता पार्टी ने हमेशा भ्रष्टाचार के मुद्दे पर सख्त रवैया अपनाया है अब भी इसके साथ कोई समझौता नहीं करेगी।
मुख्यमंत्री को दी बधाई
एक स्वतंत्र एजंसी द्वारा मुख्यमंत्री को बेस्ट परफॉर्मेंस अवार्ड मिलने पर शर्मा ने उन्हें बधाई दी और कहा कि इससे स्वयं साबित हो जाता है कि मुख्यमंत्री किस जज्बे के साथ प्रदेश की सेवा कर रहे हैं।
जिस किसी को मिलेगी जिम्मेदारी वो निभायेगा
इस प्रश्न पर कि उनके नाम की चर्चा प्रदेश अध्यक्ष के लिए हो रही है। इसके जबाब में शर्मा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का राष्ट्रीय नेतृत्व का फैसला होता है। वह जिसने कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी देते हैं तो कार्यकर्ताओं से कोई जिम्मेदारी सम्भालता है। इसमें कहीं कोई व्यक्तिगत व्यक्तिगत स्वार्थ नहीं होता।
