नूरपुर, 2 जुलाई: पुलिस जिला नूरपुर में कार्यरत सब-इंस्पेक्टर (एसआई) देवा नंद को विभाग द्वारा इंस्पेक्टर पद पर पदोन्नत किया गया है। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक कार्यालय, नूरपुर में गरिमामयी पिपिंग समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें वरिष्ठ अधिकारियों ने उनके कंधों पर इंस्पेक्टर रैंक के स्टार लगाकर उन्हें आधिकारिक रूप से पदोन्नति प्रदान की। समारोह में पुलिस अधीक्षक नूरपुर, उप-मंडलीय पुलिस अधिकारी (एसडीपीओ) ज्वाली तथा एसपी कार्यालय के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति रही। पदोन्नति के साथ ही इंस्पेक्टर देवा नंद को पुलिस थाना फतेहपुर का थाना प्रभारी (एसएचओ) नियुक्त किया गया है और उन्होंने अपना कार्यभार भी संभाल लिया है। इंस्पेक्टर देवा नंद ने 11 मई 1992 को पुलिस विभाग में अपनी सेवा शुरू की थी। 34 वर्षों से अधिक के सेवाकाल में उन्होंने पुलिस विभाग की विभिन्न महत्वपूर्ण इकाइयों में अपनी सेवाएं दी हैं। वे प्रतिनियुक्ति पर केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) चंडीगढ़ में भी कार्य कर चुके हैं। इसके अलावा उन्होंने द्वितीय हिमाचल प्रदेश सशस्त्र पुलिस वाहिनी (2nd HPAP) सकोह के साथ-साथ जिला चंबा, कांगड़ा और बिलासपुर के विभिन्न पुलिस थानों में भी अपनी जिम्मेदारियों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया है। मार्च 2026 में उन्होंने पुलिस थाना नूरपुर में अतिरिक्त थाना प्रभारी (एडिशनल एसएचओ) का कार्यभार संभाला था। अब विभाग ने उनके लंबे अनुभव, उत्कृष्ट सेवाओं और कार्यकुशलता को देखते हुए उन्हें इंस्पेक्टर पद पर पदोन्नत कर थाना फतेहपुर की कमान सौंपी है। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक नूरपुर, एसडीपीओ ज्वाली तथा पुलिस विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने इंस्पेक्टर देवा नंद को पदोन्नति एवं नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं देते हुए उनके सफल कार्यकाल की कामना की।
डाडा सीबा, 2 जुलाई: बाबा कांशी राम राजकीय महाविद्यालय, डाडा सीबा में गुरुवार को शैक्षणिक सत्र 2026-27 के नवप्रवेशी विद्यार्थियों के लिए अभिमुखीकरण (ओरिएंटेशन) कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. रजनी संख्यान ने दीप प्रज्वलित कर किया। अपने संबोधन में प्राचार्या प्रो. रजनी संख्यान ने नवप्रवेशी विद्यार्थियों का महाविद्यालय परिवार में स्वागत करते हुए उन्हें अनुशासन, नियमित अध्ययन तथा महाविद्यालय की शैक्षणिक एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने लक्ष्य निर्धारित कर समर्पण एवं मेहनत के साथ अध्ययन करने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान महाविद्यालय के विभिन्न संकाय सदस्यों ने विद्यार्थियों को संस्थान में उपलब्ध सुविधाओं और अपने-अपने विषयों से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की। सहायक प्राध्यापक जतिंदर कुमार, सहायक प्राध्यापक दविंदर सिंह, डॉ. राम पाल, सहायक प्राध्यापक खेम चंद, सहायक प्राध्यापक शीतल, सहायक प्राध्यापक पलक सिंह तथा सहायक पुस्तकालयाध्यक्ष अंजना कुमारी ने विद्यार्थियों को विभागों, पाठ्यक्रमों, अध्ययन पद्धति, पुस्तकालय सुविधाओं तथा महाविद्यालय में उपलब्ध अन्य आवश्यक सेवाओं के बारे में विस्तार से अवगत कराया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नवप्रवेशी विद्यार्थियों को महाविद्यालय के शैक्षणिक वातावरण से परिचित कराना, उन्हें संस्थान की कार्यप्रणाली की जानकारी देना तथा उनके भीतर आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच और नई शैक्षणिक यात्रा के प्रति उत्साह का संचार करना था। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और इसे अपने लिए अत्यंत उपयोगी, प्रेरणादायक एवं ज्ञानवर्धक बताया।
डमटाल, 2 जुलाई: इंदौरा विधानसभा क्षेत्र के विधायक मलेंद्र राजन ने बुधवार को ग्राम पंचायत डमटाल में राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) की टीम के साथ आयोजित बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में क्षेत्र में बढ़ते वायु प्रदूषण की रोकथाम, हरित क्षेत्र के विस्तार और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक के दौरान अधिक से अधिक पौधारोपण करने, लगाए गए पौधों के संरक्षण को सुनिश्चित बनाने तथा वायु गुणवत्ता में सुधार के लिए सभी संबंधित विभागों के समन्वित प्रयासों पर बल दिया गया। विधायक मलेंद्र राजन ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण वर्तमान समय की सबसे महत्वपूर्ण जरूरतों में से एक है और इसके लिए प्रत्येक नागरिक की सहभागिता आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि क्षेत्र में हरित आवरण बढ़ाने के लिए व्यापक स्तर पर पौधारोपण अभियान चलाया जाए। साथ ही ऐसे स्थानों की पहचान कर विशेष प्रबंधन किया जाए, जहां मिट्टी और धूल के कण अधिक मात्रा में उड़ते हैं, ताकि धूल प्रदूषण पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सके। उन्होंने कहा कि केवल सरकारी प्रयासों से वायु प्रदूषण की समस्या का समाधान संभव नहीं है, बल्कि आमजन की सक्रिय भागीदारी भी उतनी ही जरूरी है। बैठक में एनजीटी की टीम तथा वन विभाग के अधिकारियों ने भी पर्यावरण संरक्षण, वायु प्रदूषण नियंत्रण और हरित क्षेत्र बढ़ाने के संबंध में अपने सुझाव साझा किए। अधिकारियों ने लोगों से पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक होकर पौधारोपण अभियान में सक्रिय सहयोग देने और अपने आसपास स्वच्छ एवं हरित वातावरण बनाए रखने का आग्रह किया। इस अवसर पर बीडीओ सुदर्शन सिंह, आरओ अब्दुल हामिद, कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष देवेंद्र मनकोटिया, ग्राम पंचायत डमटाल की प्रधान नीलम कुमारी, उपप्रधान सनी गोयल, वार्ड सदस्य राजेश कुमार, जगदीश, सतपाल, सुलिंदर और प्रदीप शर्मा सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
नूरपुर पुलिस की CIA टीम ने नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कंडवाल मुख्य प्रवेश द्वार से 10.18 ग्राम चिट्टा/हेरॉइन बरामद की है। नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत CIA नूरपुर की टीम कंडवाल मुख्य प्रवेश द्वार पर मौजूद थी। नाकाबंदी के दौरान टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए पंजाब के एक युवक को जांच के लिए रोका। तलाशी के दौरान आरोपी के कब्जे से 10.18 ग्राम हेरॉइन (चिट्टा) बरामद किया गया। पुलिस ने बरामद मादक पदार्थ और तस्करी में इस्तेमाल की जा रही मोटरसाइकिल (अपाचे, नंबर: PB 06 BA 1636) को अपने कब्जे में ले लिया है। आरोपी की पहचान राजा, पुत्र जमाल सिंह, निवासी सराय मोहल्ला, गली नंबर 47, गांधी चौक, पठानकोट (पंजाब), उम्र 26 वर्ष के रूप में हुई है। मामले में आरोपी के विरुद्ध पुलिस थाना नूरपुर में मुकदमा संख्या 173/2026 धारा 21, 25 मादक पदार्थ अधिनियम (NDPS Act) के अंतर्गत दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है और आगामी कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। नूरपुर पुलिस द्वारा मामले की आगामी गहन जांच की जा रही है ताकि इसके अगले संपर्कों का पता लगाया जा सके।
राजकीय डिग्री कॉलेज इंदौरा में गुरुवार, 2 जुलाई 2026 को नवप्रवेशी विद्यार्थियों के स्वागत के लिए ओरिएंटेशन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य नए विद्यार्थियों को कॉलेज के शैक्षणिक वातावरण, नियमों, उपलब्ध सुविधाओं तथा विभिन्न छात्र सहायता सेवाओं से परिचित कराना था, ताकि वे नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत आत्मविश्वास के साथ कर सकें। कॉलेज के प्राचार्य डॉ. नमेश ने विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए उन्हें कॉलेज में उपलब्ध शैक्षणिक एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर विभिन्न विभागों के प्राध्यापकों ने अपने-अपने विभागों का परिचय दिया तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अंतर्गत पाठ्यक्रम, विषय चयन प्रक्रिया, उपस्थिति नियम, परीक्षा प्रणाली, छात्रवृत्ति योजनाओं, पुस्तकालय, एनएसएस, एनसीसी, खेलकूद और अन्य सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों की विस्तृत जानकारी प्रदान की। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को अनुशासन, नियमित उपस्थिति तथा शैक्षणिक और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी के महत्व से भी अवगत कराया गया। आयोजित संवादात्मक सत्र में विद्यार्थियों ने प्रवेश, पढ़ाई और कॉलेज जीवन से जुड़े विभिन्न प्रश्न पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। इस अवसर पर नवप्रवेशी विद्यार्थियों ने कॉलेज में अपनी शैक्षणिक यात्रा को लेकर उत्साह और आत्मविश्वास व्यक्त किया।
हिमाचल प्रदेश के लाखों बिजली उपभोक्ताओं पर हर महीने थोपे जा रहे "मिल्क सेस" (दूध उपकर) और "फ्यूल सेस" (ईंधन उपकर) के खिलाफ अब देश की सबसे बड़ी उपभोक्ता अदालत में कानूनी जंग छिड़ गई है। ज्वालामुखी के मुखर उपभोक्ता अधिकार कार्यकर्ता अभिषेक पाधा ने प्रदेश सरकार की इस मनमानी और अवैध वसूली को नई दिल्ली स्थित केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) के मुख्य आयुक्त के समक्ष चुनौती देते हुए एक औपचारिक शिकायत दर्ज करा दी है। याचिका में साफ तौर पर हिमाचल प्रदेश सरकार और राज्य विद्युत बोर्ड (HPSEBL) को कटघरे में खड़ा करते हुए इस पूरी वसूली को उपभोक्ता कानून के तहत एक गंभीर वित्तीय धोखाधड़ी और 'डार्क पैटर्न' (ब्लैकमेलिंग और जबरन वसूली का छुपा हुआ तरीका) करार दिया गया है। शिकायतकर्ता अभिषेक पाधा ने कानूनी तथ्यों के साथ यह मुद्दा उठाया है कि जब एक आम नागरिक बिजली का कनेक्शन लेता है, तो उसका विद्युत बोर्ड के साथ सीधा समझौता सिर्फ और सिर्फ उसके द्वारा खर्च की गई बिजली की यूनिट्स (kWh) और तयशुदा रेगुलेटरी चार्जेस चुकाने का होता है। बिजली के इस मीटर बिल का दूध (मिल्क सेस) या सरकार की अन्य सामाजिक कल्याण योजनाओं से कोई लेना-देना नहीं हो सकता। सरकार अपनी राजनीतिक योजनाओं का वित्तीय बोझ चुपके से बिजली बिलों के रास्ते जनता की जेब पर डाल रही है, जो पूरी तरह गैर-कानूनी है। सबसे गंभीर बात यह है कि यदि कोई जागरूक उपभोक्ता इस फालतू टैक्स को देने से मना करे और सिर्फ अपनी जलाई हुई बिजली का बिल भरना चाहे, तो बिजली बोर्ड उसका कनेक्शन काटने की धमकी देता है। आवश्यक बिजली सेवा को काटने का यह डर दिखाकर जनता से पैसे ऐंठना सीधे तौर पर ब्लैकमेलिंग और उपभोक्ता अधिकारों का खुला हनन है। दिल्ली की इस केंद्रीय अदालत (CCPA) में दायर याचिका में केंद्र सरकार के 'डार्क पैटर्न प्रिवेंशन गाइडलाइंस, 2023' का हवाला दिया गया है, जिसके तहत मूल सेवा की आड़ में पीछे से कोई अन्य हिडन चार्ज (छुपा हुआ खर्च) जोड़ना कानूनन अपराध है। अभिषेक पाधा ने अदालत से मांग की है कि हिमाचल के उपभोक्ताओं के बिलों से इन दोनों सेस को तुरंत हटाया जाए और बिजली बोर्ड को केवल वास्तविक खपत के आधार पर पारदर्शी बिल बनाने के निर्देश दिए जाएं। इसके अलावा, याचिका में सरकार द्वारा अब तक इस मद में जनता की जेब से वसूले गए करोड़ों रुपयों की उच्च स्तरीय जांच करवाने और वह सारा पैसा उपभोक्ताओं को भविष्य के बिलों में वापस (रिफंड) करने की भी जोरदार गुहार लगाई गई है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए अदालत से यह भी अंतरिम राहत मांगी गई है कि जब तक इस केस का अंतिम फैसला नहीं आता, तब तक सेस न चुकाने पर किसी भी उपभोक्ता का बिजली कनेक्शन काटने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए।
राजकीय महाविद्यालय ढलियारा के एनसीसी कैडेट्स 1 जुलाई से 10 जुलाई 2026 तक ऊना के जेएनवी पेखुबेला में आयोजित 10 दिवसीय वार्षिक प्रशिक्षण शिविर (ATC-245) में भाग लेने के लिए रवाना हुए। रवानगी के अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर सुशील भारद्वाज ने सभी कैडेट्स को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसे प्रशिक्षण शिविर युवाओं में अनुशासन, राष्ट्रसेवा की भावना और नेतृत्व क्षमता का विकास करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। यह दल एसोसिएट एनसीसी अधिकारी (ANO) लेफ्टिनेंट डॉ. कपिल सूद के नेतृत्व में शिविर के लिए रवाना हुआ है। डॉ. सूद ने कैडेट्स को शिविर के दौरान अनुशासन का पालन करने, प्रशिक्षण का अधिकतम लाभ उठाने और नई गतिविधियों से सीख लेकर अपने व्यक्तित्व को निखारने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि शिविर में विभिन्न शिक्षण संस्थानों के एनसीसी कैडेट्स भाग ले रहे हैं। 10 दिनों तक चलने वाले इस प्रशिक्षण शिविर में सैन्य ड्रिल, शारीरिक प्रशिक्षण (PT), हथियार संचालन, नेतृत्व विकास, सांस्कृतिक कार्यक्रम, खेलकूद प्रतियोगिताएं और विभिन्न विषयों पर व्याख्यान आयोजित किए जाएंगे। इन गतिविधियों के माध्यम से कैडेट्स में आत्मविश्वास, जिम्मेदारी, टीमवर्क और राष्ट्रीय एकता की भावना को और अधिक मजबूत किया जाएगा। महाविद्यालय प्रशासन ने सभी प्रतिभागी कैडेट्स के सफल प्रशिक्षण और उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा स्थित गगल एयरपोर्ट से बुधवार से इंडिगो एयरलाइंस ने नोएडा के जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए नियमित सीधी हवाई सेवा शुरू कर दी है। इस नई उड़ान के शुरू होने के साथ ही हिमाचल प्रदेश और दिल्ली-एनसीआर के बीच हवाई संपर्क पहले से अधिक मजबूत हो गया है। हाल ही में परिचालन शुरू करने वाले जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उड़ान नेटवर्क में अब गगल एयरपोर्ट भी शामिल हो गया है, जिससे यात्रियों को राजधानी क्षेत्र तक पहुंचने का एक नया और सुविधाजनक विकल्प मिलेगा। इंडिगो की यह उड़ान प्रतिदिन संचालित होगी। विमान सुबह 9:55 बजे जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट से उड़ान भरकर 11:40 बजे गगल पहुंचेगा। इसके बाद दोपहर 12:00 बजे गगल से रवाना होकर 1:40 बजे वापस जेवर पहुंचेगा। यानी दोनों शहरों के बीच की दूरी अब महज 1 घंटा 40 मिनट में तय की जा सकेगी। फिलहाल इस रूट का किराया लगभग 7,000 से 8,000 रुपये के बीच रखा गया है और टिकटों की बुकिंग इंडिगो की वेबसाइट व अन्य अधिकृत प्लेटफॉर्म पर शुरू हो चुकी है। इस नई सेवा के शुरू होने के बाद गगल एयरपोर्ट से अब इंडिगो की 5, स्पाइसजेट की 3 और एलायंस एयर की 1 नियमित उड़ान संचालित होंगी। इससे यात्रियों को पहले की तुलना में अधिक उड़ानों का विकल्प मिलेगा और पर्यटन, व्यापार तथा धार्मिक यात्रा को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण के सिविल हवाई अड्डा गगल के निदेशक अमित सकलानी ने इस नई हवाई सेवा को क्षेत्र के लिए बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि गगल एयरपोर्ट का जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट से सीधा जुड़ना प्रदेश के विकास और हवाई कनेक्टिविटी के लिहाज से एक महत्वपूर्ण कदम है।
हिमाचल प्रदेश में लंबे इंतजार के बाद आखिरकार दक्षिण-पश्चिम मानसून ने दस्तक दे दी है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार इस वर्ष मानसून अपनी सामान्य तिथि 25 जून के मुकाबले करीब 5 दिन की देरी से प्रदेश पहुंचा है। फिलहाल मानसून की उत्तरी सीमा मंडी तक पहुंच चुकी है और आने वाले दिनों में इसके पूरे प्रदेश में सक्रिय होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार मानसून पूरी तरह से किन्नौर, लाहौल-स्पीति, कुल्लू, शिमला और मंडी के अधिकांश हिस्सों को कवर कर चुका है, जबकि कांगड़ा और सिरमौर के कुछ क्षेत्रों में भी इसका प्रभाव देखने को मिल रहा है। विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले एक सप्ताह तक प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। स्थिति को देखते हुए 2 से 4 जुलाई तक प्रदेश के कई जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इस दौरान तेज बारिश के साथ भूस्खलन, अचानक बाढ़, सड़क अवरोध और निचले इलाकों में जलभराव जैसी घटनाओं की आशंका जताई गई है। वहीं 5 और 6 जुलाई के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। पिछले 24 घंटों के दौरान गोहर में सबसे अधिक 55 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। इसके अलावा मंडी में 45.6 मिमी, बरठीं में 42.6 मिमी, रायपुर मैदान में 41 मिमी, सुंदरनगर में 31.4 मिमी और कांगड़ा में 30.8 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। वहीं मैदानी जिला ऊना राज्य का सबसे गर्म क्षेत्र रहा, जहां अधिकतम तापमान 35.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने लोगों और पर्यटकों से खराब मौसम के दौरान नदी-नालों के किनारे जाने से बचने, अनावश्यक यात्रा टालने और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
ब्लॉक देहरा में रविवार को आयोजित पल्स पोलियो अभियान के तहत 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के 6,085 बच्चों को पोलियो रोधी दवा पिलाई गई। यह जानकारी खंड चिकित्सा अधिकारी (बीएमओ) डॉ. हरिंदर पाल सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि जो बच्चे किसी कारणवश आज पोलियो बूथ तक नहीं पहुंच सके या दवा पीने से छूट गए हैं, उनके लिए 29 और 30 जून को विशेष घर-घर अभियान चलाया जाएगा। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीमें प्रत्येक घर तक पहुंचकर छूटे हुए बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाएंगी। अभियान को सफल बनाने के लिए 136 टीमें गठित की गई हैं, जो सोमवार और मंगलवार को पूरे ब्लॉक में घर-घर जाकर बच्चों की पहचान करेंगी। वहीं अभियान की निगरानी और व्यवस्थाओं को सुचारू बनाए रखने के लिए 14 सुपरवाइजर तैनात किए गए हैं, जो लगातार फील्ड का दौरा कर रहे हैं। खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. हरिंदर पाल सिंह ने अभिभावकों से अपील करते हुए कहा कि हमारा लक्ष्य ब्लॉक के हर बच्चे को पोलियो जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित करना है। सभी अभिभावक स्वास्थ्य विभाग की घर-घर आने वाली टीमों का सहयोग करें ताकि कोई भी बच्चा इस सुरक्षा कवच से वंचित न रहे।
नूरपुर पुलिस जिला के अंतर्गत (CIA-I) की टीम ने नशे के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने बौड चौक, जसूर के पास एक एचआरटीसी (HRTC) बस में सवार एक युवती से 1 किलो 6 ग्राम चरस बरामद करने में सफलता प्राप्त की है। 28 जून को CIA नूरपुर की टीम गनोह, जसूर और नूरपुर क्षेत्र में अपराध नियंत्रण, गश्त और मादक पदार्थों की चेकिंग हेतु तैनात थी। इसी दौरान पुलिस टीम को पुख्ता गुप्त सूचना मिली कि पालमपुर की रहने वाली एक युवती एचआरटीसी बस (संख्या HP 38 C 9974) में भारी मात्रा में चरस लेकर आ रही है। नाके के दौरान उक्त एचआरटीसी बस को रोका गया। तलाशी लेने पर बस में सवार कुमारी गुनगुन (उम्र 19 वर्ष), सुपुत्री शशि कुमार, निवासी गांव खिल्डू, डाकघर बिंद्राबन, तहसील पालमपुर, जिला कांगड़ा के बैग से 1 किलोग्राम 06 ग्राम चरस (सकल वजन) बरामद की गई। पुलिस ने मौके पर ही सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी करते हुए चरस को जब्त कर लिया और सैंपल सील कर दिए। इस संदर्भ में आरोपी युवती के खिलाफ थाना नूरपुर में एनडीपीएस एक्ट की धारा 20 व 29 के तहत मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। नूरपुर पुलिस के अनुसार आरोपी से पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि नशे की यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे आगे किसे सप्लाई किया जाना था। पुलिस इस ड्रग नेटवर्क के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज को खंगालने में जुटी है।
प्रदेश कांग्रेस सचिव एवं कांग्रेस नेता सुरिंदर मनकोटिया ने केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तावित VB-G RAM-G व्यवस्था पर कड़ा विरोध जताया है। उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था ग्रामीण गरीबों, मजदूरों और किसानों के हितों के खिलाफ है। उन्होंने आरोप लगाया कि हिमाचल प्रदेश में वर्तमान में मनरेगा के तहत राज्य सरकार द्वारा दी जा रही ₹320 की दिहाड़ी नई व्यवस्था लागू होने पर घटकर ₹247 रह जाएगी। मनकोटिया ने कहा कि भारत के इतिहास में यह पहली बार होगा जब मजदूरों की मजदूरी बढ़ाने के बजाय घटाई जा रही है। उन्होंने इसे गरीब विरोधी फैसला बताते हुए कहा कि इसका सबसे अधिक असर ग्रामीण क्षेत्रों के मजदूरों, छोटे किसानों, महिलाओं और गांवों की अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा। उन्होंने कहा कि नई व्यवस्था लागू होने से राज्य सरकारों पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ेगा, जबकि मनरेगा में ऐसी जिम्मेदारी नहीं थी। इससे रोजगार उपलब्ध कराने की व्यवस्था कमजोर होगी, गरीब परिवारों को समय पर काम नहीं मिलेगा, मजदूरी सम्मानजनक नहीं रहेगी और भुगतान में भी देरी की आशंका बढ़ जाएगी। कांग्रेस नेता ने कहा कि डिजिटल निगरानी और नई जटिल प्रक्रियाओं के कारण दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों में तकनीकी समस्याएं उत्पन्न होंगी। इसके अलावा पंचायत स्तर पर विकास कार्यों की गुणवत्ता और कार्यों के चयन पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा तथा पंचायतों के अधिकार सीमित हो जाएंगे। सुरिंदर मनकोटिया ने कहा कि नई व्यवस्था से मजदूरी दर, भुगतान प्रणाली, राज्यों की जिम्मेदारी और रोजगार की वास्तविक उपलब्धता पर सीधा असर पड़ेगा। उन्होंने केंद्र सरकार से इस प्रस्तावित व्यवस्था पर पुनर्विचार करने और मनरेगा मजदूरों के हितों की रक्षा करने की मांग की।
देहरा के अधिवक्ता एवं सामाजिक कार्यकर्ता अभिषेक पाधा ने जिला प्रशासन कांगड़ा को एक महत्वपूर्ण जनहित सुझाव देते हुए उपायुक्त कांगड़ा को पत्र भेजा है। उन्होंने जिला मुख्यालय धर्मशाला में आयोजित होने वाली मासिक प्रशासनिक समीक्षा बैठकों की अग्रिम सूचना सार्वजनिक करने की मांग उठाई है। अभिषेक पाधा ने कहा कि जिला मुख्यालय धर्मशाला में प्रत्येक माह आयोजित होने वाली समीक्षा बैठकों में जिले के सभी एसडीएम एवं तहसीलदारों को भाग लेने के लिए बुलाया जाता है। प्रशासनिक समन्वय और कार्यों की समीक्षा के लिए ये बैठकें अत्यंत आवश्यक एवं सराहनीय हैं, लेकिन इनकी पूर्व जानकारी आम जनता तक नहीं पहुंचने के कारण लोगों को कई प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने बताया कि कांगड़ा जिला भौगोलिक दृष्टि से प्रदेश का सबसे बड़ा जिला है। ऐसे में ज्वालामुखी, नूरपुर, बैजनाथ, जयसिंहपुर तथा अन्य दूरस्थ क्षेत्रों से लोग अपने राजस्व, भूमि एवं अन्य प्रशासनिक कार्यों के लिए उपमंडल और तहसील कार्यालयों में पहुंचते हैं। लेकिन अधिकारियों के मासिक बैठक में होने के कारण उन्हें बिना काम करवाए वापस लौटना पड़ता है। पाधा के अनुसार इससे आम जनता का बहुमूल्य समय, वाहन का ईंधन, आर्थिक संसाधन और श्रम व्यर्थ होता है। साथ ही बार-बार कार्यालयों के चक्कर लगाने से लोगों का प्रशासनिक व्यवस्था के प्रति विश्वास भी प्रभावित होता है। उन्होंने उपायुक्त कांगड़ा से आग्रह किया है कि मासिक बैठकों का कार्यक्रम कम से कम दो से तीन दिन पूर्व स्थानीय समाचार पत्रों, आधिकारिक प्रेस विज्ञप्तियों तथा जिला प्रशासन के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों के माध्यम से सार्वजनिक किया जाए। इससे आम नागरिक अपनी सुविधा के अनुसार कार्यालय आने की योजना बना सकेंगे और अनावश्यक परेशानियों से बच सकेंगे।
प्रदेश युवा कांग्रेस के पूर्व महामंत्री एवं नगर परिषद ज्वालामुखी के नवनियुक्त पार्षद नीरज शर्मा ने कहा कि विधायक संजय रतन के निर्देशानुसार अगले एक माह में ज्वालामुखी विधानसभा क्षेत्र के 102 बूथों पर ‘एक बूथ-10 यूथ जोड़ो’ अभियान चलाया जाएगा। अभियान के तहत कांग्रेस की विचारधारा से जुड़े मेहनती और समर्पित युवाओं को संगठन से जोड़ा जाएगा। उन्होंने बताया कि युवा कांग्रेस की टीम प्रत्येक बूथ पर पहुंचकर सक्रिय युवाओं की पहचान करेगी और उन्हें संगठन में जिम्मेदारियां देने के लिए सूची तैयार करेगी। नीरज शर्मा ने कहा कि विधायक संजय रतन ने क्षेत्र में शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल और सड़क जैसी सुविधाओं के विकास के लिए उल्लेखनीय कार्य किए हैं। साथ ही उन्होंने भाजपा पर विकास कार्यों को लेकर दुष्प्रचार करने का आरोप लगाते हुए कहा कि युवा कांग्रेस कार्यकर्ता इसका मजबूती से जवाब देंगे।
9 HP बटालियन एनसीसी डलहौजी के निर्देशों के अनुसार इंदौरा के गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज इंदौरा में 12वां इंटरनेशनल योगा डे बड़े जोश और एनसीसी कैडेट्स, स्टूडेंट्स और फैकल्टी मेंबर्स की एक्टिव भागीदारी के साथ मनाया गया। यह प्रोग्राम एनसीसी के तहत फिजिकल फिटनेस, मेंटल हेल्थ और हेल्दी लाइफस्टाइल बनाए रखने में योग के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए आयोजित किया गया था। इंदौरा विधानसभा क्षेत्र के विधायक मलेंदर राजन इस इवेंट में चीफ गेस्ट के तौर पर शामिल हुए। सेलिब्रेशन की शुरुआत वेलकम एड्रेस से हुई, जिसके बाद कॉमन योगा प्रोटोकॉल हुआ। एनसीसी कैडेट्स ने अलग-अलग योग आसन, प्राणायाम और मेडिटेशन एक्सरसाइज में जोश के साथ हिस्सा लिया। योग सेशन में मन और शरीर के बीच तालमेल बनाने के लिए योग को जीवनशैली के तौर पर अपनाने के महत्व पर ज़ोर दिया गया। इकट्ठा हुए लोगों को संबोधित करते हुए विधायक मलेंदर राजन ने रोज़मर्रा की ज़िंदगी में योग के महत्व पर ज़ोर दिया और युवाओं में हेल्थ, डिसिप्लिन और फिटनेस के बारे में जागरूकता फैलाने के एनसीसी के प्रयासों की तारीफ़ की। उन्होंने स्टूडेंट्स और कैडेट्स को उनके ओवरऑल डेवलपमेंट के लिए रेगुलर योग करने के लिए प्रोत्साहित किया।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष में वरिष्ठ नागरिक मंच देहरा ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला देहरा में योग शिविर का आयोजन किया। शिविर में प्रधान जगदीश चन्द आजाद, वरिष्ठ उपाध्यक्ष, भूपेश उप्पल, सचिव ओंकार सिंह सिपहिया, कोषाध्य कैप्टन दिलबाग, उपाध्यक्ष नीलकंठ दत्ता के अतिरिक्त सुनील वैद, मोहिंद धीमान, सुभाष गुलेरिया, विनोद शर्मा, कैप्टन देवी राम, रमेश शर्मा, राज कुमार जम्वाल तथा वीरबल ने भाग लिया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए आजाद ने योग के महत्व तथा अच्छी जीवन शैली पर बल दिया। कार्यक्रम के उपरांत वरिष्ठ नागरिकों ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला देहरा द्वारा आयोजित योग शिविर में भी भाग लिया।
हिमाचल प्रदेश एनसीसी की छठी स्वतंत्र कंपनी ऊना के कमान अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल रविंद्र सिंह के तत्वाधान में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर ढालियारा स्कूल में एक भव्य कार्यक्रम हुआ। इस कार्यक्रम में गवर्नमेंट कॉलेज ढलियारा, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बॉयज परागपुर, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बॉयज गरली व स्थानीय विद्यालय के एनसीसी कैडेट ने भाग लिया। इस भव्य कार्यक्रम में योग के व्यायाम, आसन,प्राणायाम का अभ्यास कैडेट्स ने किया व योग के दैनिक जीवन में महत्व को समझा। इस विशेष कार्यक्रम में प्रागपुर स्कूल के एनसीसी अधिकारी विवेक शर्मा, गरली स्कूल के दीपक धीमान, एनसीसी इंस्ट्रक्टर जितेंद्र कुमार व सोनू कुमार स्थानीय स्कूल के डीपी महोदय उपस्थित रहे।
धर्मशाला। हिमाचल प्रदेश तकनीकी शिक्षा बोर्ड ने इंजीनियरिंग डिप्लोमा में प्रवेश के लिए आयोजित लेटरल एंट्री एंट्रेंस टेस्ट (LEET)-2026 का बहुप्रतीक्षित परिणाम घोषित कर दिया है। 14 जून को आयोजित इस परीक्षा में प्रदेशभर के 1,963 अभ्यर्थियों ने भाग लिया था। परिणाम जारी होते ही विद्यार्थियों में उत्साह का माहौल है और अब उनकी नजरें आगामी काउंसलिंग एवं प्रवेश प्रक्रिया पर टिकी हैं। तकनीकी शिक्षा बोर्ड के सचिव Ashok Pathak ने बताया कि इस वर्ष शिमला के अमन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रदेशभर में पहला स्थान हासिल किया है। अमन ने 400 में से 370 अंक प्राप्त कर मेरिट सूची में शीर्ष स्थान पर कब्जा जमाया। वहीं, चंबा के मोहित कपूर 285 अंकों के साथ दूसरे स्थान पर रहे, जबकि मंडी की नंदिनी ने 246 अंक हासिल कर प्रदेश की मेरिट सूची में तीसरा स्थान प्राप्त किया। बोर्ड ने परीक्षा परिणाम अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध करा दिया है, जहां अभ्यर्थी अपना रिजल्ट और स्कोरकार्ड ऑनलाइन देख सकते हैं। परिणाम जारी होने के बाद सफल उम्मीदवारों के लिए प्रवेश प्रक्रिया का अगला चरण जल्द शुरू किया जाएगा। बोर्ड सचिव ने बताया कि काउंसलिंग और सीट आवंटन से संबंधित विस्तृत कार्यक्रम शीघ्र जारी किया जाएगा। उन्होंने अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि वे प्रवेश प्रक्रिया से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण सूचनाओं और अपडेट के लिए नियमित रूप से बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर नजर बनाए रखें। LEET-2026 के परिणामों के साथ अब प्रदेश के सैकड़ों विद्यार्थियों के लिए इंजीनियरिंग डिप्लोमा संस्थानों में प्रवेश का रास्ता खुल गया है। सफल अभ्यर्थी आगामी काउंसलिंग प्रक्रिया के माध्यम से अपनी पसंद के संस्थानों और शाखाओं में दाखिला प्राप्त कर सकेंगे।
पुलिस जिला नूरपुर की सीआईए टीम द्वारा दिनांक 19 जून को प्रातः रियाली पुल के समीप नियमित नाकाबंदी एवं गश्त के दौरान लकड़ी से लदे कई संदिग्ध वाहनों को जांच हेतु रोका गया। सूचना प्राप्त होने पर पुलिस थाना फतेहपुर तथा पुलिस पोस्ट रे के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर संयुक्त रूप से वाहनों की जांच की। जांच के दौरान कुल छह पिकअप वाहन तथा एक कैंटर विभिन्न प्रजातियों की लकड़ी एवं ईंधन लकड़ी से लदे पाए गए। वाहन चालकों से लकड़ी के परिवहन संबंधी वैध परमिट, लाइसेंस एवं अन्य आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा गया, किन्तु वे कोई भी वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। इस संबंध में पुलिस थाना फतेहपुर में मामला दर्ज किया गया। प्रारंभिक जांच में लकड़ी के अवैध परिवहन की आशंका पाए जाने पर संबंधित सातों वाहनों तथा लकड़ी को कब्जे में लेकर आगामी जांच एवं कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है।
हिमाचल प्रदेश सरकार के फ्लैगशिप कार्यक्रम "एंटी चिट्टा एवं ड्रग-फ्री हिमाचल अभियान" के प्रभावी क्रियान्वयन के उद्देश्य से आज नगर परिषद नूरपुर की नशा निवारण समिति (NNC) की बैठक नगर परिषद कार्यालय नूरपुर में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता पुलिस अधीक्षक नूरपुर कुलभूषण वर्मा ने की। बैठक में एसडीएम नूरपुर, एसडीपीओ नूरपुर, थाना प्रभारी नूरपुर, नगर परिषद नूरपुर के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद के नवनिर्वाचित पार्षदों एवं अन्य अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक के दौरान उपस्थित सदस्यों को प्रदेश सरकार द्वारा चलाए जा रहे एंटी चिट्टा एवं ड्रग-फ्री हिमाचल अभियान के उद्देश्यों एवं कार्ययोजना की जानकारी दी गई। युवाओं में बढ़ते नशे की प्रवृत्ति, विशेषकर चिट्टा (हेरोइन) एवं अन्य मादक पदार्थों के दुरुपयोग एवं तस्करी पर चिंता व्यक्त करते हुए इसके प्रभावी नियंत्रण हेतु सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया गया। बैठक में स्कूलों, कॉलेजों, बाजारों एवं वार्ड स्तर पर नियमित जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने, नशे के प्रति संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान करने, युवाओं को जागरूक करने, समुदाय आधारित सूचना तंत्र को मजबूत करने तथा पुलिस, प्रशासन एवं स्थानीय निकायों के मध्य बेहतर समन्वय स्थापित करने पर विस्तृत चर्चा की गई। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक कुलभूषण वर्मा, एसडीएम नूरपुर, एसडीपीओ नूरपुर एवं थाना प्रभारी नूरपुर ने नगर परिषद के सभी नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों से अभियान को जन-जन तक पहुंचाने तथा नशे के विरुद्ध जनभागीदारी बढ़ाने का आह्वान किया। सभी पार्षदों ने नशा मुक्त नूरपुर एवं नशा मुक्त हिमाचल के लक्ष्य को प्राप्त करने हेतु पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। बैठक के दौरान उपस्थित सभी सदस्यों को नशे के विरुद्ध सामूहिक रूप से कार्य करने तथा समाज को नशामुक्त बनाने की शपथ भी दिलाई गई। अंत में यह संकल्प लिया गया कि एंटी चिट्टा एवं ड्रग-फ्री हिमाचल अभियान को जन आंदोलन का स्वरूप देते हुए जागरूकता, जनभागीदारी एवं समन्वित प्रयासों को और अधिक सशक्त बनाया जाएगा।
ज्वालामुखी क्षेत्र के प्रतिष्ठित समाजसेवी एवं श्री लक्ष्मी नारायण यज्ञ समिति के अध्यक्ष विद्या सागर शर्मा के आकस्मिक निधन से क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। उनके निधन की खबर से समिति के पदाधिकारियों, सदस्यों तथा स्थानीय लोगों में गहरा दुःख व्याप्त है। श्री लक्ष्मी नारायण यज्ञ समिति के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने शोक व्यक्त करते हुए कहा कि विद्या सागर शर्मा एक सरल, मिलनसार और समाज सेवा के प्रति समर्पित व्यक्तित्व के धनी थे। उन्होंने समिति के माध्यम से धार्मिक एवं सामाजिक कार्यों को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनके कुशल नेतृत्व और मार्गदर्शन में समिति ने अनेक धार्मिक एवं जनकल्याणकारी कार्यक्रमों का सफल आयोजन किया। समिति के सदस्यों ने कहा कि विद्या सागर शर्मा का निधन समाज और धार्मिक क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति है, जिसकी भरपाई करना कठिन होगा। उनके आदर्श और समाज सेवा के कार्य सदैव लोगों को प्रेरित करते रहेंगे।
भारतीय मजदूर संघ के तत्वावधान में भारतीय डाक कर्मचारी संघ ग्रुप ‘सी’, भारतीय डाक कर्मचारी संघ पोस्टमैन एवं एमटीएस तथा भारतीय ग्रामीण डाक कर्मचारी संघ, देहरा मंडल द्वारा 21 जून 2026 को होटल पोंग व्यू, देहरा में संयुक्त सीडब्ल्यूसी (CWC) बैठक एवं प्रथम अधिवेशन का आयोजन किया जाएगा। आयोजकों ने बताया कि इस बैठक में हिमाचल प्रदेश के सभी डाक मंडलों से कर्मचारी प्रतिनिधि और संगठन के पदाधिकारी भाग लेंगे। अधिवेशन के दौरान डाक कर्मचारियों और ग्रामीण डाक सेवकों से जुड़े विभिन्न ज्वलंत मुद्दों, कर्मचारियों की समस्याओं, विभागीय नीतियों तथा संगठनात्मक विषयों पर व्यापक चर्चा की जाएगी। बैठक में डाक मंडल देहरा की भारतीय ग्रामीण डाक कर्मचारी संघ इकाई तथा भारतीय डाक कर्मचारी संघ पोस्टमैन एवं एमटीएस इकाई की नई कार्यकारिणियों का गठन भी किया जाएगा। इसके माध्यम से संगठनात्मक ढांचे को और अधिक मजबूत बनाने तथा कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान के लिए प्रभावी रणनीति तैयार की जाएगी। अधिवेशन में 20 जुलाई 2026 से देशभर में प्रस्तावित डाक कर्मचारियों के जन आंदोलन के प्रमुख बिंदुओं, मांगों और कार्यक्रमों पर भी विस्तार से चर्चा होगी। साथ ही कर्मचारियों के हितों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर आंदोलन की रूपरेखा और उसकी सफलता के लिए आवश्यक तैयारियों पर विचार-विमर्श किया जाएगा। आयोजकों ने प्रदेश के सभी डाक मंडलों के कर्मचारियों और पदाधिकारियों से अधिवेशन में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने का आह्वान किया है, ताकि संगठन को और अधिक सशक्त बनाया जा सके तथा कर्मचारियों की आवाज को मजबूती मिल सके।
हिलटॉप दुर्गा मंदिर डमटाल के जनरल हाउस की बैठक मंगलवार को वन विश्राम गृह भदरोया में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता विधायक मलेंद्र राजन ने की। बैठक के प्रारंभ में मंदिर अधिकारियों ने मंदिर की आय-व्यय तथा विभिन्न गतिविधियों का विस्तृत ब्यौरा विधायक को प्रस्तुत किया। इसके बाद मंदिर से जुड़े विभिन्न विकास कार्यों एवं प्रशासनिक विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। विधायक ने निर्देश दिए कि मंदिर में चल रहे तथा प्रस्तावित सभी विकास कार्य पूर्ण पारदर्शिता और गुणवत्ता के साथ किए जाएं। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े इस धार्मिक स्थल के विकास में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जानी चाहिए। उन्होंने मंदिर के समस्त स्टाफ की पुनर्नियुक्ति की प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करने के निर्देश भी दिए। इसके अतिरिक्त विधायक ने मंदिर में प्रसाद व्यवस्था को और अधिक सुव्यवस्थित एवं बेहतर बनाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि मंदिर की आय एवं निधि का उपयोग केवल मंदिर के सौंदर्यीकरण, आधारभूत सुविधाओं के विस्तार तथा मंदिर परिसर एवं आसपास के क्षेत्र के विकास कार्यों पर ही किया जाएगा। मंदिर की राशि किसी अन्य बाहरी कार्य में खर्च नहीं की जाएगी। इस अवसर पर मंदिर परिसर में वर्ष में कम से कम एक बार भव्य जागरण अथवा भंडारे के आयोजन को लेकर भी चर्चा की गई, ताकि श्रद्धालुओं की सहभागिता बढ़े और धार्मिक गतिविधियों को और अधिक प्रोत्साहन मिल सके। बैठक में डीएफओ संदीप कोहली, एसीएफ निशांत पाराशर, आरओ इंदौरा अब्दुल हमीद सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं मंदिर समिति के सदस्य उपस्थित रहे।
समाजसेवी मुकेश कुमार और ज्वालामुखी पुलिस के बीच चला हाई-वोल्टेज घटनाक्रम इन दिनों सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। मामले से जुड़े वीडियो और दावे-प्रतिदावे तेजी से वायरल हो रहे हैं। जानकारी के अनुसार हाल ही में आठ स्थानीय लोगों ने ज्वालामुखी थाना में एक शिकायत पत्र सौंपकर मुकेश कुमार पर सोशल मीडिया के माध्यम से स्थानीय विधायक के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियां करने तथा भड़काऊ बयानबाजी कर लोगों को प्रभावित करने का आरोप लगाया था। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। इसी सिलसिले में ज्वालामुखी पुलिस की एक टीम बीते दिनों मुकेश कुमार के अस्थायी निवास, नोएडा (दिल्ली-एनसीआर) पहुंची। इस दौरान मुकेश कुमार ने पुलिस से गिरफ्तारी संबंधी दस्तावेज एवं वारंट दिखाने की मांग की। वायरल वीडियो में वह पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए दिखाई दे रहा है। उसका दावा है कि बिना पर्याप्त दस्तावेज दिखाए उसे हिरासत में लेने का प्रयास किया गया। मुकेश कुमार ने पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर साझा करते हुए आरोप लगाया है कि राजनीतिक दबाव में उसके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। उसने कहा कि उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है और उसकी गिरफ्तारी के लिए बड़ी संख्या में पुलिस कर्मियों को भेजा गया, जो अनावश्यक प्रतीत होता है। मुकेश का यह भी आरोप है कि पुलिस की मौजूदगी से उसके किराए के आवास के बाहर का माहौल किसी छावनी जैसा बन गया था। वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि मुकेश अपने कमरे के भीतर से ही रिकॉर्डिंग कर रहा है, जबकि पुलिस कर्मी बाहर मौजूद हैं। इस दौरान उसने स्वयं को कमरे के अंदर रखा और पुलिस टीम से लगातार बातचीत करता रहा। वहीं, पूरे घटनाक्रम के बाद पुलिस द्वारा संबंधित कानूनी प्रक्रिया के तहत वारंट/नोटिस जारी किए जाने की भी जानकारी सामने आई है। हालांकि मुकेश कुमार ने सोशल मीडिया पर जारी अपने बयानों में इन दस्तावेजों की वैधता पर भी सवाल उठाए हैं। फिलहाल मामले को लेकर सोशल मीडिया पर बहस तेज है। एक पक्ष मुकेश कुमार के समर्थन में खड़ा दिखाई दे रहा है, जबकि दूसरा पक्ष पुलिस कार्रवाई को कानून के तहत उठाया गया कदम बता रहा है। मामले की वास्तविक स्थिति और आरोपों की सत्यता जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। हालांकि ज्वालामुखी पुलिस कहना है कि उक्त व्यक्ति के खिलाफ चले हुए केस की समाप्ति तक साफ तौर पर मना किया गया था कि वो सोशल मीडिया पर किसी भी तरह की आपत्तिजनक टिप्पणी न करे लेकिन यह हिदायत न मानी इसके तहत कार्यवाई अमल में लायी गयी है । इस सन्दर्भ में मुकेश का कहना है कि मेरे ऊपर एफआईआर दर्ज होने के बाद 26 मई को पुलिस द्वारा मुझे नोटिस जारी किया गया था और थाने में हाजिर होने को कहा था इसके तहत मैं इस मामले को लेकर 30 मई को थाना में हाजिर हुआ था। उन्होंने आरोप लगाया पुलिस राजनीतिक दबाव में यह कार्य कर रही है।
भाजपा मंडल परागपुर के अध्यक्ष विनोद शर्मा और जसवां मंडल अध्यक्ष वरिंदर ठाकुर ने सोशल मीडिया पर सक्रिय एक स्थानीय समाजसेवी की कार्यशैली और राजनीतिक मंशा पर सवाल उठाए हैं। दोनों नेताओं का आरोप है कि संबंधित समाजसेवी क्षेत्रीय मुद्दों तथा प्रदेश की कांग्रेस सरकार की कथित विफलताओं पर मौन रहते हैं, जबकि उनका ध्यान पूर्व मंत्री एवं विधायक विक्रम ठाकुर की आलोचना पर अधिक केंद्रित रहता है। भाजपा नेताओं ने कहा कि यदि समाजसेवी द्वारा हजारों युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के दावे किए जा रहे हैं, तो उन्हें इस संबंध में विस्तृत विवरण अथवा श्वेत पत्र जारी कर जनता के सामने तथ्य प्रस्तुत करने चाहिए। उन्होंने कहा कि निजी व्यवसाय को जनसेवा के रूप में प्रस्तुत कर राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास नहीं किया जाना चाहिए। विनोद शर्मा ने आरोप लगाया कि संबंधित समाजसेवी चुनावी समय में ही क्षेत्र में अधिक सक्रिय दिखाई देते हैं और चुनाव समाप्त होने के बाद लंबे समय तक जनता से दूरी बनाए रखते हैं। उन्होंने कहा कि विक्रम ठाकुर ने वर्षों के संघर्ष, संगठनात्मक कार्य और जनसेवा के बल पर अपनी पहचान बनाई है तथा क्षेत्र में सड़क, शिक्षा और अन्य विकास कार्यों को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान कांग्रेस सरकार की नीतियों और कार्यप्रणाली पर चुप्पी साधना समाजसेवी के दोहरे राजनीतिक रवैये को दर्शाता है। विनोद शर्मा और वरिंदर ठाकुर ने कहा कि राजनीतिक महत्वाकांक्षा रखना किसी भी व्यक्ति का अधिकार है, लेकिन भाजपा के मजबूत संगठनात्मक ढांचे और जनाधार को कमजोर करने के प्रयास सफल नहीं होंगे। उन्होंने कहा कि जनता अनुभव, संघर्ष और निरंतर जनसेवा को महत्व देती है तथा इसी आधार पर अपना जनप्रतिनिधि चुनती है।
शिमला। हिमाचल प्रदेश में मौसम ने फिर करवट बदल ली है। प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश और तेज हवाओं के चलते तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सिरमौर, सोलन, बिलासपुर, हमीरपुर और ऊना जिलों में आंधी-तूफान और बिजली गिरने का येलो अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से प्रदेश में 18 जून तक मौसम खराब बना रह सकता है। इस दौरान कई क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है। कुछ स्थानों पर भारी वर्षा भी हो सकती है। मौसम वैज्ञानिकों ने निचले और मध्य पर्वतीय क्षेत्रों में अचानक तेज बारिश के कारण जलभराव और छोटे नालों के उफान पर आने की भी आशंका जताई है। पर्वतीय इलाकों में दृश्यता कम होने से यातायात प्रभावित हो सकता है, जिससे वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। बारिश के कारण लोगों को गर्मी से राहत मिली है, लेकिन भूस्खलन, पेड़ गिरने और बिजली आपूर्ति बाधित होने जैसी समस्याओं की आशंका भी बढ़ गई है। प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। वहीं किसानों और बागवानों को भी मौसम की ताजा जानकारी के अनुसार अपने कार्यों की योजना बनाने की सलाह दी गई है। इसके अलावा बागवानी क्षेत्रों में ओलावृष्टि और तेज हवाओं से फलों की फसल को नुकसान पहुंचने की संभावना को देखते हुए आवश्यक सुरक्षा उपाय अपनाने की सलाह दी गई है।
पुलिस जिला नूरपुर की पीओ (Proclaimed Offender) सेल ने एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए लंबे समय से फरार चल रहे उद्घोषित अपराधी प्रदीप कुमार उर्फ दीपा (45) को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी गांव कुल्हण, तहसील एवं जिला कठुआ (जम्मू-कश्मीर) का रहने वाला है और उसके खिलाफ पुलिस थाना इंदौरा में वर्ष 2010 में दर्ज मुकदमा संख्या 109/10 के तहत भारतीय दंड संहिता की धारा 279, 337 तथा मोटर वाहन अधिनियम की धारा 181 के अंतर्गत मामला दर्ज था। न्यायालय में लगातार अनुपस्थित रहने के कारण माननीय जेएमएफसी कोर्ट इंदौरा ने उसे उद्घोषित अपराधी घोषित किया था। नूरपुर पुलिस की पीओ सेल टीम ने 12 जून 2026 को विशेष अभियान के तहत उसे 3 पुली चिनौर क्षेत्र से गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद नियमानुसार इसकी सूचना आरोपी की पत्नी को दी गई तथा आगे की वैधानिक कार्रवाई के लिए उसे पुलिस थाना इंदौरा के सुपुर्द कर दिया गया है। नूरपुर पुलिस ने कहा है कि फरार आरोपियों और कानून तोड़ने वालों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा तथा आम जनता से भी कानून-व्यवस्था बनाए रखने और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तत्काल पुलिस को देने की अपील की गई है।
नूरपुर। हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में नूरपुर पुलिस (CIA टीम) ने मीलवां क्षेत्र में पंजाब नंबर की कार से 264.6 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद कर एक बड़े अंतरराज्यीय तस्कर को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान जितेंद्र सिंह (41), निवासी गुरदासपुर (पंजाब) के रूप में हुई है, जिसने स्टीयरिंग कवर के नीचे नशा छिपा रखा था। एसपी कुलभूषण वर्मा ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर उलेहड़ियां-मीलवां मार्ग पर नाकाबंदी कर यह कामयाबी हासिल की गई। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी का नेटवर्क हिमाचल, पंजाब और जम्मू-कश्मीर में फैला है, और उस पर पहले भी एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के 3 मामले दर्ज हैं। पुलिस ने कार और ड्रग्स को जब्त कर केस दर्ज कर लिया है और बैकवर्ड-फॉरवर्ड लिंकेज की जांच कर रही है।
भारत और अफगानिस्तान के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज का पहला मुकाबला कल यानी 13 जून को धर्मशाला के खूबसूरत हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (HPCA) स्टेडियम में खेला जाएगा। दोनों टीमों के बीच होने वाला यह मुकाबला एक डे-नाइट (दिन-रात) मैच है, जो दोपहर 1:30 बजे से शुरू होगा। इस सीरीज में भारतीय टीम की कमान युवा बल्लेबाज शुभमन गिल संभाल रहे हैं, जबकि अफगानिस्तान की टीम राशिद खान जैसे दिग्गज खिलाड़ियों के साथ मैदान पर उतरेगी। क्रिकेट फैंस इस रोमांचक मैच को टीवी पर स्टार स्पोर्ट्स और डीडी स्पोर्ट्स पर लाइव देख सकते हैं, जबकि इसकी डिजिटल स्ट्रीमिंग 'जियोहॉटस्टार' (JioHotstar) पर की जाएगी। यह मुकाबला इसलिए भी बेहद खास है क्योंकि साल 2023 के वनडे विश्व कप के बाद धर्मशाला के इस मैदान पर कोई अंतर्राष्ट्रीय वनडे मैच आयोजित होने जा रहा है। खेल प्रेमियों के लिए ध्यान देने वाली बात यह है कि बीसीसीआई (BCCI) ने पहले इस मैच को 14 जून को कराने का फैसला किया था, लेकिन बाद में तारीखों में बदलाव कर इसे 13 जून (शनिवार) को तय किया गया। चूंकि यह मैच पहाड़ों के बीच बसे खूबसूरत स्टेडियम में हो रहा है, इसलिए मौसम की भूमिका भी अहम होगी। जून के महीने में दोपहर के समय यहां अच्छी खासी धूप और गर्मी रहेगी, लेकिन शाम होते-होते तापमान गिरकर 10 से 14 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। इस ठंडी शाम में फ्लडलाइट्स के नीचे मैच का दूसरा हिस्सा खेला जाएगा। भारतीय टीम हाल ही में अफगानिस्तान के खिलाफ एकमात्र टेस्ट मैच में बड़ी जीत दर्ज कर चुकी है, जिससे टीम के हौसले बुलंद हैं। वहीं अफगानिस्तान की टीम भी अपने बेहतरीन स्पिन आक्रमण के दम पर भारतीय सरजमीं पर बड़ा उलटफेर करने के इरादे से मैदान में उतरेगी।
9 HP बटालियन एनसीसी, डलहौजी के निर्देशानुसार गवर्नमेंट डिग्री कॉलेज (जीडीसी) इंदौरा की एनसीसी यूनिट द्वारा सोमवार को फिट इंडिया मूवमेंट के तहत एक जागरूकता साइकिल रैली का आयोजन किया गया। रैली का उद्देश्य युवाओं में शारीरिक फिटनेस, स्वस्थ जीवनशैली, पर्यावरण संरक्षण तथा राष्ट्र निर्माण की भावना को बढ़ावा देना था। रैली को कॉलेज के प्राचार्य डॉ. नमेश कुमार ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने एनसीसी कैडेट्स के उत्साह, अनुशासन और समर्पण की सराहना करते हुए नियमित शारीरिक गतिविधियों के महत्व पर बल दिया। उन्होंने विद्यार्थियों को साइकिलिंग को पर्यावरण अनुकूल एवं टिकाऊ परिवहन के साधन के रूप में अपनाने के लिए प्रेरित किया। एनसीसी के सीटीओ डॉ. पंकज कौशल के मार्गदर्शन में आयोजित इस रैली में कैडेट्स ने फिटनेस, स्वास्थ्य जागरूकता और पर्यावरण संरक्षण से संबंधित संदेशों वाले प्लेकार्ड प्रदर्शित किए तथा जागरूकता के नारे लगाए। कैडेट्स ने लोगों को संदेश दिया कि साइकिल चलाना न केवल शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है, बल्कि प्रदूषण कम करने और ईंधन बचाने में भी सहायक है। रैली के दौरान स्थानीय लोगों ने भी कैडेट्स के प्रयासों की सराहना की और फिटनेस व स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूकता फैलाने के इस अभियान को सराहनीय बताया। इस अवसर पर डॉ. पंकज कौशल ने कहा कि एनसीसी गतिविधियां जिम्मेदार, अनुशासित और शारीरिक रूप से सक्षम नागरिकों के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने कैडेट्स से ऐसे जनजागरूकता अभियानों में सक्रिय भागीदारी जारी रखने और फिट इंडिया मूवमेंट के संदेश को समाज के हर वर्ग तक पहुंचाने का आह्वान किया।
नशे के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस जिला नूरपुर लगातार सख्त कार्रवाई अमल में ला रही है। इसी कड़ी में थाना रेहन में दर्ज FIR No. 41/26 दिनांक 13.04.2026 धारा 20, 25, 29 NDPS Act में की जा रही गहन तफ्तीश के दौरान पुलिस ने बैकवर्ड लिंकेज पर कार्य करते हुए एक और आरोपी को गिरफ्तार करने में महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। आरोपी की पहचान 24 वर्षीय संजय कुमार पुत्र शेर सिंह, निवासी गांव कुंडल, तहसील सलूणी, जिला चंबा के रूपमे हुए है। गौरतलब है कि उक्त मामले में घटना के दिन मौके से आरोपी रोबिन (निवासी जिला चंबा) और यूसुफ (निवासी जिला चंबा) को गिरफ्तार किया गया था, जिनसे 1 किलो 210 ग्राम चरस बरामद हुई थी। इसके बाद मामले की जांच को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने बैकवर्ड लिंकेज के आधार पर तीसरी गिरफ्तारी आरोपी शुक्रदीन (निवासी जिला चंबा) की की थी, जबकि अब मामले की कड़ियों को जोड़ते हुए तकनीकी व मानवीय सूचना के आधार पर संजय कुमार (निवासी जिला चंबा) के रूप में यह चौथी गिरफ्तारी की गई है। नूरपुर पुलिस द्वारा नशे के नेटवर्क की जड़ों तक पहुंचने के लिए लगातार कार्रवाई जारी है तथा इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य व्यक्तियों की संलिप्तता की भी गंभीरता से जांच की जा रही है। पुलिस जिला नूरपुर ने स्पष्ट किया है कि नशे के कारोबार में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा तथा ऐसे तत्वों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
निकटवर्ती बणी स्थित शिव मंदिर परिसर में महादेव जन कल्याण ट्रस्ट गरली की 39वीं त्रैमासिक बैठक का आयोजन किया गया। इस अवसर पर ट्रस्ट द्वारा निराश्रित महिलाओं को पेंशन राशि एवं घरेलू उपयोग का सामान वितरित करने का कार्यक्रम पूर्व की भांति जारी रखा गया। ट्रस्ट की प्रमुख सदस्य शालिनी पटियाल राणा ने जानकारी देते हुए बताया कि संस्था अब तक लगभग 45 निराश्रित महिलाओं को सहायता प्रदान कर रही है। यह सहयोग प्रत्येक तीसरे महीने के पहले रविवार को बणी गांव के शिव मंदिर में उपलब्ध कराया जाता है। बैठक के दौरान निराश्रित महिलाओं एवं उनके बच्चों को दैनिक उपयोग की आवश्यक वस्तुएं वितरित की गईं। साथ ही प्रत्येक महिला को एक-एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता भी प्रदान की गई। इस अवसर पर वालिया परिवार की ओर से सभी के लिए धाम का आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम में ट्रस्ट से जुड़े सदस्य मदन लाल शर्मा, निर्मला राणा, हेमराज शर्मा, कुसुम वालिया, सरोज शर्मा, वरुण पटियाल, अमित वालिया, चुहरू राम, संसार चंद, सुभाष पटियाल, संजीव, दलजीत खट्टा तथा रंगील सिंह सहित अन्य सदस्यों ने सक्रिय सहभागिता निभाई। संस्था के सभी सदस्यों ने कहा कि वे स्वयं को सौभाग्यशाली मानते हैं कि उन्हें इस प्रकार के समाजसेवी एवं मानव कल्याण के कार्यों से जुड़ने का अवसर मिला है। उन्होंने इस अभियान से जुड़े सभी दानी सज्जनों एवं सहयोगकर्ताओं का हार्दिक आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके सहयोग से ही यह सेवा कार्य निरंतर सफलतापूर्वक संचालित हो रहा है। बैठक के अंत में ट्रस्ट के सदस्यों ने क्षेत्रवासियों से अपील की कि वे भी इस नेक कार्य में संस्था का सहयोग करें तथा महादेव जन कल्याण ट्रस्ट गरली द्वारा चलाए जा रहे जनकल्याणकारी अभियानों का हिस्सा बनकर जरूरतमंद लोगों की सहायता में योगदान दें।
हिमाचल प्रदेश के सबसे अहम राजनीतिक जिला कांगड़ा में शहरी निकाय चुनावों के नतीजों ने प्रदेश की सियासत का पारा बढ़ा दिया है। सत्ता की दिशा तय करने वाले कांगड़ा में कांग्रेस का प्रदर्शन भाजपा के लिए चिंता का कारण बनता दिख रहा है। पांच नगर परिषदों में से चार पर कांग्रेस ने मजबूत पकड़ बनाई है, जबकि भाजपा केवल नगरोटा बगवां में बढ़त बनाए रखने में सफल रही है। सबसे ज्यादा चर्चा कांगड़ा नगर परिषद को लेकर हो रही है, जहां भाजपा बड़ी मुश्किल से क्लीन स्वीप होने से बच पाई है। वहीं सांसद राजीव भारद्वाज के गृह क्षेत्र नूरपुर में भी पार्टी का प्रदर्शन उम्मीदों पर खरा नहीं उतर सका। इसी तरह देहरा और ज्वालामुखी में भी भाजपा को खास सफलता नहीं मिली। इन नतीजों ने भाजपा संगठन के भीतर मंथन की जरूरत को और बढ़ा दिया है। राजनीतिक जानकार मान रहे हैं कि अगर कांगड़ा जैसे निर्णायक जिले में पार्टी का प्रदर्शन कमजोर रहता है तो 2027 का विधानसभा चुनाव भाजपा के लिए आसान नहीं होगा। अब सबकी निगाहें 31 मई को आने वाले नगर निगम चुनाव परिणामों पर टिकी हुई हैं। चार नगर निगमों में से दो पालमपुर और धर्मशाला कांगड़ा जिले में आते हैं। ऐसे में भाजपा को उम्मीद है कि यहां बेहतर प्रदर्शन कर पार्टी राजनीतिक संदेश देने में कामयाब होगी। ये चुनाव पार्टी सिंबल पर लड़े गए हैं, इसलिए इन्हें 2027 विधानसभा चुनाव का सेमीफाइनल माना जा रहा है। यदि नगर निगम चुनावों में भी भाजपा के नतीजे उम्मीद के मुताबिक नहीं आते, तो प्रदेश नेतृत्व पर सवाल उठना तय माना जा रहा है। पार्टी के भीतर भी नेतृत्व को लेकर तीखे सवाल खड़े हो सकते हैं। हालांकि फिलहाल भाजपा के वरिष्ठ नेता जीत का दावा कर रहे हैं। अब इंतजार 31 मई का है, जब यह साफ होगा कि किसे राहत मिलेगी और किसे बड़ा राजनीतिक झटका लगेगा।
इंदौरा विधायक मलेंदेर राजन ने नगर पंचायत चुनावों में कांग्रेस की जीत पर क्षेत्र की जनता का आभार जताया। इंदौरा में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने लोगों को धन्यवाद देते हुए आगामी ग्राम पंचायत चुनावों में बढ़-चढ़कर मतदान करने की भी अपील की। उन्होंने कहा कि जनता अच्छे और योग्य उम्मीदवारों को चुनकर क्षेत्र के चहुंमुखी विकास में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करे। विधायक मलेंद्र राजन ने कहा कि ग्राम पंचायत चुनाव पार्टी चिन्हों पर नहीं, बल्कि गांवों के अपने स्थानीय मुद्दों और उम्मीदवारों के आधार पर लड़े जाते हैं। ऐसे चुनावों को राजनीतिक दलों से जोड़ना उचित नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि चुनावों में जो भी उम्मीदवार जीतकर आएंगे, उनके साथ मिलकर क्षेत्र के सम्पूर्ण विकास के लिए कार्य किया जाएगा।
गरली में चल रही श्रीमद्देवीभागवत कथा के छठे दिन श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ा। कथाव्यास आचार्य साक्षी चैतन्य ने 'ऐं, ह्रीं, क्लीं' महामंत्रों की उत्पत्ति और साधन-साध्य के दार्शनिक रहस्य को समझाया। ऐतिहासिक एवं धरोहर गांव गरली में आयोजित भव्य श्रीमद्देवीभागवत महापुराण कथा के दिव्य प्रसंग में श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए सुप्रसिद्ध कथाव्यास ज्योतिर्विद आचार्य साक्षी चैतन्य महाराज ने माँ भगवती के परम शक्तिशाली नवार्ण मंत्र 'ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे' की अलौकिक महिमा का वर्णन किया। संगीतकमयी कथा के दौरान आचार्य ने न केवल इन बीज मंत्रों की ब्रह्मांडीय उत्पत्ति की कथा सुनाई, बल्कि मानव जीवन में 'साधन' और 'साध्य' के गहरे आध्यात्मिक संबंध को भी अत्यंत सरल शब्दों में रेखांकित किया। कथाव्यास आचार्य साक्षी चैतन्य ने देवी भागवत के गूढ़ प्रसंगों का संदर्भ देते हुए बताया कि नवार्ण मंत्र का प्रत्येक अक्षर अपने आप में संपूर्ण ब्रह्मांड की ऊर्जा को समेटे हुए है। उन्होंने कथा के माध्यम से समझाया कि व्यासपीठ से जीवन प्रबंधन के व्यावहारिक सूत्रों को जोड़ते हुए आचार्य साक्षी चैतन्य ने कहा कि आज का मनुष्य भटक रहा है क्योंकि वह 'साधन' को ही 'साध्य' मान बैठा है। कथा के दौरान जब आचार्य ने माँ कालरात्रि के प्राकट्य, चण्ड-मुण्ड वध और भक्त सुदर्शन की कथाओं का जीवंत वर्णन किया, तो पूरा पंडाल जयकारों से गूंज उठा। संगीत दल द्वारा प्रस्तुत किए गए दिव्य भजनों और बांसुरी की मधुर तानों पर श्रद्धालु भावविभोर होकर झूमने पर मजबूर हो गए। कथा के विश्राम पर मुख्य यजमानों सहित स्थानीय नागरिकों ने व्यासपीठ की आरती उतारी और आशीर्वाद प्राप्त किया। इस अवसर पर भारी संख्या में स्थानीय महिला-पुरुष व श्रद्धालु उपस्थित रहे।
देहरा नगर परिषद चुनाव में रविवार को मतदाताओं ने उत्साह के साथ मतदान किया। शाम 3 बजे जारी रिपोर्ट के अनुसार नगर परिषद के सातों वार्डों में कुल 74.55 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। कुल 3573 मतदाताओं में से 2664 लोगों ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। पुरुष मतदाताओं में 74.08 प्रतिशत और महिला मतदाताओं में 75.32 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। महिलाओं की भागीदारी पुरुषों से अधिक रही। वार्डवार मतदान आंकड़ों पर नजर डालें तो वार्ड नंबर-1 में 735 मतदाताओं में से 517 वोट पड़े और मतदान प्रतिशत 70.34 रहा। वार्ड नंबर-2 में कुल 413 मतदाताओं में से 322 लोगों ने मतदान किया, यहां 77.96 प्रतिशत वोटिंग हुई। वार्ड नंबर-3 में 579 में से 461 वोट पड़े और मतदान प्रतिशत 79.62 दर्ज किया गया। वार्ड नंबर-4 में सबसे अधिक 403 में से 322 वोट पड़े तथा मतदान प्रतिशत 79.90 रहा। वार्ड नंबर-5 में 480 मतदाताओं में से 341 लोगों ने मतदान किया, यहां 71.04 प्रतिशत मतदान हुआ। वार्ड नंबर-6 में 472 में से 350 वोट पड़े और मतदान प्रतिशत 74.15 रहा। वहीं वार्ड नंबर-7 में कुल 491 मतदाताओं में से 351 वोट पड़े और यहां 71.48 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। चुनाव के दौरान सभी मतदान केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे।
राजकीय महाविद्यालय इंदौरा में शिक्षा के क्षेत्र में सहयोग एवं समन्वय को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विभिन्न निकटवर्ती विद्यालयों के साथ समझौता ज्ञापन (MOU) पर हस्ताक्षर किए गए। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ नमेष ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्यों के साथ समझौते को औपचारिक रूप प्रदान किया। इस एमओयू के अंतर्गत GSSS Bari Kandrori, GSSS Dahkulara, GSSS Mohtli, GSSS Bogrwan तथा GSSS इंदौरा सहित अन्य विद्यालयों ने भाग लिया। समझौते का मुख्य उद्देश्य विद्यालयों एवं महाविद्यालय के मध्य शैक्षणिक संसाधनों, अधोसंरचना, पुस्तकालय सुविधाओं, प्रयोगशालाओं, खेल सामग्री तथा अन्य शैक्षणिक गतिविधियों का साझा उपयोग सुनिश्चित करना है। इसके अलावा विद्यार्थियों एवं अध्यापकों के लिए समय-समय पर कार्यशालाओं, संगोष्ठियों, करियर मार्गदर्शन कार्यक्रमों तथा कौशल विकास गतिविधियों का आयोजन भी संयुक्त रूप से किया जाएगा।प्राचार्य डॉ नमेष ने कहा कि यह समझौता नई शिक्षा नीति के उद्देश्यों को धरातल पर उतारने की दिशा में एक सराहनीय कदम है। इससे विद्यालयों के विद्यार्थियों को महाविद्यालय की आधुनिक सुविधाओं का लाभ मिलेगा तथा उच्च शिक्षा के प्रति उनका रुझान बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि शिक्षा संस्थानों के बीच आपसी सहयोग से विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को नई दिशा मिलेगी। विद्यालयों के प्रधानाचार्यों ने भी इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि इससे विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर संसाधन एवं मार्गदर्शन प्राप्त होगा। साथ ही शिक्षक वर्ग के बीच भी अनुभवों का आदान-प्रदान होगा, जिससे शिक्षण प्रक्रिया अधिक प्रभावी बनेगी। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित सदस्यों ने इस साझेदारी को शिक्षा क्षेत्र के लिए मील का पत्थर बताते हुए भविष्य में भी ऐसे सहयोगात्मक प्रयास जारी रखने का संकल्प लिया। राजकीय महाविद्यालय इंदौरा की यह पहल क्षेत्र में शिक्षा के स्तर को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में सहायक सिद्ध होगी।
देहरा/शिमला । सुखविंदर सिंह सुक्खू ने हिमाचल प्रदेश कांग्रेस एससी विभाग के चेयरमैन जीवन कुमार के नेतृत्व में पहुंचे प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। बैठक के दौरान संगठन विस्तार, सामाजिक न्याय से जुड़े मुद्दों और ग्रामीण क्षेत्रों में कांग्रेस संगठन को मजबूत करने को लेकर विस्तार से चर्चा हुई। इस बैठक में कांग्रेस एससी विभाग के सभी जिला अध्यक्ष और विभिन्न जिलों के पदाधिकारी मौजूद रहे। प्रतिनिधिमंडल में उपाध्यक्ष मदन लाल डोगरा, मंडी से नरोतम राम, ऊना जिला अध्यक्ष बलराम, हमीरपुर से होशियार सिंह और कांगड़ा से रघुवीर सिंह भाटिया सहित कई नेता शामिल रहे। बैठक के दौरान संगठनात्मक ढांचे को बूथ स्तर तक मजबूत करने, अनुसूचित जाति वर्ग से जुड़े मुद्दों को प्रभावी तरीके से उठाने तथा ग्रामीण क्षेत्रों में कांग्रेस की पकड़ मजबूत करने को लेकर मंथन किया गया। इस अवसर पर जीवन कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री के साथ हुई बैठक काफी महत्वपूर्ण रही और संगठन को मजबूत करने के लिए रणनीति तैयार की जा रही है। उन्होंने बताया कि चुनावों के बाद प्रदेश के चार प्रमुख स्थानों पर एससी सम्मेलन आयोजित किए जाएंगे, जिनके माध्यम से समाज के लोगों को जोड़ने और उनकी समस्याओं को प्रमुखता से उठाने का प्रयास किया जाएगा।
प्रदेश पंचायत चुनावों के गुरुवार को नामांकन के पहले दिन ग्राम पंचायत परागपुर कार्यालय में कई उम्मीदवारों द्वारा विभिन्न पदों हेतु नामांकन पत्र दाखिल किए गए।वहीं परागपुर ग्राम पंचायत के वार्ड नंबर 1 से क्षेत्र के सुप्रसिद्ध समाजसेवी व लोगों के सुख दुख में हर समय शामिल होने वाले अनिल वालिया ने वार्ड सदस्य के तौर पर अपना नामांकन भरा। इस अवसर पर उम्मीदवार अनिल वालिया ने कहा कि वार्ड पांच बनने के बाद वे अपने वार्ड का चहुंमुखी विकास करवाएंगे।उन्होंने कहा कि पिछले काफी समय से जो वार्ड नंबर 1 के विकास को ग्रहण लगा हुआ है,वे चुनाव जीतने के बाद सबसे पहले उस ग्रहण को दूर करेंगे और संपूर्ण वार्ड का भरपूर विकास करवाएंगे। विकास कार्यों के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि सबसे पहले वे अपने वार्ड में सोलर लाइटें लगवाएंगे व उसके पश्चात सफाई व्यवस्था को चुस्त दुरुस्त करते हुए जो लिंक रोड काफी समय से टूटे हुए हैं उनकी रिपेयरिंग के साथ साथ नए लिंक रोड भी बनवाए जाएंगे।
हिमाचल के कांगड़ा में नशे के खिलाफ अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। Himachal Road Transport Corporation (HRTC) की अमृतसर से बैजनाथ जा रही बस से 130.48 ग्राम चिट्टा बरामद किया गया है, मामले में 13 साल के नाबालिग को हिरासत में लिया गया है। गगल के बनोई पुल के पास चेकिंग के दौरान पुलिस ने बस को रोका और तलाशी ली। नाबालिग के बैग से हेरोइन बरामद हुई। पूछताछ में सामने आया कि नशा अमृतसर में एक रिश्तेदार ने दिया था। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और पूरे नेटवर्क की तलाश जारी
आगामी नगर निकाय एवं पंचायत चुनाव 2026 को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस जिला नूरपुर ने बड़ा फैसला लेते हुए सभी लाइसेंसी हथियार धारकों को अपने हथियार तुरंत जमा कराने के निर्देश जारी किए हैं। यह आदेश पुलिस अधीक्षक नूरपुर के निर्देश पर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) 2023 की धारा 163 के तहत लागू किया गया है। जारी आदेशों के अनुसार सभी शस्त्र लाइसेंस धारकों को अपने हथियार और गोला-बारूद नजदीकी पुलिस थाने या अधिकृत आर्म्स डीलर के पास जमा कर रसीद प्राप्त करनी होगी। आदेश का पालन न करने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी, जिसमें लाइसेंस रद्द करने तक की कार्रवाई शामिल हो सकती है। पुलिस प्रशासन ने साफ किया है कि चुनावी माहौल में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को रोकने के लिए अवैध हथियारों के खिलाफ विशेष चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। सार्वजनिक स्थानों पर हथियार लेकर चलने या उनका प्रदर्शन करने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। प्रशासन के अनुसार चुनाव प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद नियमों के तहत जमा किए गए हथियार संबंधित धारकों को वापस कर दिए जाएंगे।ऑन-ड्यूटी पुलिस कर्मी, होमगार्ड, अन्य सुरक्षा बलों के जवान तथा विशेष अनुमति प्राप्त बैंक सुरक्षा गार्ड इस आदेश से मुक्त रहेंगे। पुलिस जिला नूरपुर ने आम नागरिकों से अपील की है कि आदर्श आचार संहिता का पालन करते हुए प्रशासन का सहयोग करें, ताकि क्षेत्र में शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और भयमुक्त चुनाव सुनिश्चित किए जा सकें।
नगर परिषद देहरा के चुनावों में वॉर्ड नंबर 2 अमरपुरी से ब्रजेश्वर साकी ने अपना नामांकन पत्र दाखिल कर दिया है। नामांकन से क्षेत्र में चुनावी माहौल गरमा गया है। ब्रजेश्वर साकी देहरा के जाने-माने पत्रकार भी हैं और लंबे समय से सामाजिक मुद्दों को प्रमुखता से उठाते रहे हैं। उन्होंने नगर परिषद से जुड़े कई अहम मुद्दों को बार-बार उजागर किया है। साकी ने नगर परिषद देहरा के पुराने और जर्जर भवन की स्थिति, बस अड्डे की बदहाल हालत और शहर में पार्किंग जैसी मूलभूत समस्याओं को प्रमुखता से उठाया है। इसके अलावा उन्होंने टुंडक क्षेत्र की उपेक्षा का मुद्दा भी उठाते हुए कहा कि यह इलाका आज भी कई दशकों पीछे है और इसे मुख्यधारा के विकास से जोड़ना बेहद जरूरी है। उनका कहना है कि संतुलित विकास के लिए हर क्षेत्र तक सुविधाएं पहुंचाना प्राथमिकता होनी चाहिए। नामांकन के बाद साकी ने कहा कि उनका उद्देश्य वॉर्ड और पूरे देहरा शहर का समग्र विकास करना है। उन्होंने साफ-सफाई, आधारभूत ढांचे को मजबूत करने, बस अड्डे के सुधार, पार्किंग व्यवस्था और उपेक्षित क्षेत्रों के विकास को अपनी प्राथमिकताओं में शामिल बताया। नामांकन प्रक्रिया के दौरान प्रशासन द्वारा सभी औपचारिकताएं पूरी करवाई गईं। वॉर्ड नंबर 2 अमरपुरी में इस बार मुकाबला रोचक होने की संभावना जताई जा रही है, वहीं अन्य प्रत्याशी भी मैदान में हैं, जिससे चुनावी सरगर्मियां लगातार तेज हो रही हैं।
बाबा कांशी राम राजकीय महाविद्यालय, डाडा सीबा में आज कार्यालय अधीक्षक के पद पर कार्यरत कुंता देवी के सेवानिवृत्त होने पर उनके सम्मान में एक गरिमामय विदाई समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के समस्त स्टाफ और प्रबुद्धजनों ने उन्हें भावभीनी विदाई दी। समारोह की शुरुआत वरिष्ठ प्राध्यापक प्रो. जतिंदर कुमार द्वारा कुंता देवी एवं उनके साथ आए अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत एवं अभिनंदन करने से हुई। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित प्राध्यापकों और स्टाफ सदस्यों ने कुंता देवी की कार्यशैली, अनुशासन और समर्पण भाव की सराहना करते हुए उनके साथ बिताए अनुभव साझा किए। अपने संबोधन में कुंता देवी ने महाविद्यालय में बिताए समय को याद करते हुए इसे अपने जीवन का महत्वपूर्ण अध्याय बताया। उन्होंने विदाई समारोह के आयोजन के लिए सभी का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर उन्होंने महाविद्यालय के विकासात्मक कार्यों के लिए 31 हजार रुपये की राशि भी भेंट की। कार्यक्रम का संचालन प्रो. दविंदर सिंह ने कुशलतापूर्वक किया, जबकि धन्यवाद प्रस्ताव प्रो. रामपाल द्वारा प्रस्तुत किया गया।
राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला ज्वालामुखी में विभागीय आदेशनुसार "एक भारत श्रेष्ठ भारत" कार्यक्रम के अंतर्गत चित्रकला प्रतियोगिता तथा मलयालम भाषा में भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ स्कूल की प्रधानाचार्या सोनिया दिवान ने किया। प्रधानाचार्या ने अपने संबोधन में सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों तथा कार्यक्रम अधिकारी प्रवेश मेहता और नमिता शर्मा की प्रशंसा की। उन्होंने आगे बताया कि ऐसे कार्यक्रम विधार्थियों की प्रतिभा को निखारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इस अवसर पर स्कूल के अन्य अध्यापक भी मौजूद रहे।
केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के वेदव्यास परिसर बलाहर में बी.एड. और पीएचडी छात्रों के लिए ‘संस्कृत में अनुसन्धान प्रकल्प’ विषय पर एक विशिष्ट व्याख्यान का आयोजन किया गया, जिसमें छात्रों को आधुनिक शोध पद्धतियों की विस्तृत जानकारी दी गई। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में नई दिल्ली स्थित विश्वविद्यालय मुख्यालय से आईं संगणकीय भाषाविज्ञान विभाग की सहायकाचार्या डॉ. प्रीति शुक्ला ने शिरकत की। व्याख्यान के दौरान छात्रों को शोधगंगा, शोधसिन्धु, शोधशुद्धी, शोधचक्र औरआईआरएनएस जैसे महत्वपूर्ण शोध प्लेटफॉर्म्स के बारे में विस्तार से बताया गया। इसके साथ ही क्रियात्मक, बहुविषयक और अन्तर्विषयक अनुसन्धान की उपयोगिता पर भी प्रकाश डाला गया, जिससे छात्रों को भविष्य के शोध कार्यों के लिए नई दिशा मिली। कार्यक्रम में बी.एड. विभागाध्यक्ष डॉ. सत्यदेव, कार्यक्रम संयोजिका डॉ. प्रतिज्ञा आर्या सहित कई प्राध्यापक और शोध छात्र उपस्थित रहे।
इंदौरा स्थित Minerva PG College of Arts Science and Commerce में 28 अप्रैल 2026 को राष्ट्रीय सम्मेलन के दूसरे दिन का भव्य आयोजन किया गया। इस अवसर पर देशभर से आए विद्वानों, शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए कार्यक्रम को सफल बनाया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत कुमार रहे। उन्होंने अपने संबोधन में सम्मेलन की थीम “सतत ग्रह: 21वीं सदी की संभावनाएं और चुनौतियां” पर विस्तृत प्रकाश डालते हुए सतत विकास की आवश्यकता को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण और संसाधनों के संतुलित उपयोग के बिना मानव जीवन की निरंतरता संभव नहीं है। साथ ही, उन्होंने संयुक्त राष्ट्र द्वारा निर्धारित 17 सतत विकास लक्ष्यों एवं 169 लक्ष्यों को वर्ष 2030 तक प्राप्त करने के लिए सामूहिक प्रयासों पर बल दिया। इसके पश्चात कॉलेज प्रबंधन समिति के अध्यक्ष इंजीनियर जरनैल सिंह पटियाल ने अध्यक्षीय संबोधन में कहा कि सम्मेलन का उद्देश्य केवल शैक्षणिक चर्चा तक सीमित नहीं है, बल्कि सतत समाज और सतत ग्रह के निर्माण की दिशा में ठोस कदम उठाना है। उन्होंने कहा कि पृथ्वी के संरक्षण हेतु सभी को मिलकर कार्य करना होगा, तभी इन लक्ष्यों को साकार किया जा सकेगा। सम्मेलन के दौरान विभिन्न तकनीकी सत्रों का आयोजन किया गया, जिनमें विशेषज्ञों ने अपने शोध पत्र प्रस्तुत किए। प्रो. (डॉ.) आदर्श पाल विग ने “शहरी पर्यावरण: समस्याएं और समाधान – पारंपरिक ज्ञान से सीखने की आवश्यकता” विषय पर अपने विचार प्रस्तुत करते हुए पारंपरिक ज्ञान से सीख लेने की आवश्यकता पर जोर दिया। वहीं डॉ. एच. एस. बन्याल ने “उत्तर-पश्चिमी हिमालय की मछली विविधता: सतत ग्रह के लिए अवसर और चुनौतियां” विषय पर अपने विचार साझा किए। ओरल प्रेजेंटेशन सत्र की अध्यक्षता प्रो. डॉ. पवन राणा, प्रो. डॉ. राजेश कुमार शर्मा, डॉ. सरिता पठानिया, डॉ. भगवती प्रसाद शर्मा, डॉ. कामाक्षी लुम्बा एवं डॉ. एच. एस. बन्याल द्वारा की गई। पोस्टर प्रेजेंटेशन सत्र की अध्यक्षता प्रो. डॉ. भग चंद चौहान, डॉ. नितेश कुमार तथा डॉ. आशुन चौधरी ने की। तकनीकी सत्र का स्वागत भाषण डॉ. जगदीप वर्मा ने प्रस्तुत किया। इसके उपरांत प्रो. डॉ. पवन राणा ने “उत्तर-पश्चिमी भारतीय हिमालय के वनों को गंभीर क्षति पहुंचाने वाले कीट आक्रमण: चुनौतियां एवं समाधान रणनीतियां” विषय पर मुख्य व्याख्यान देते हुए वनों पर कीटों के बढ़ते प्रभाव और उनके समाधान पर प्रकाश डाला। इनवाइटेड टॉक सत्र की अध्यक्षता प्रो. डॉ. भग चंद चौहान ने की, जिसमें उन्होंने “सतत विकास और प्राचीन भारतीय दृष्टिकोण” विषय पर अपने विचार रखते हुए प्राचीन भारतीय ज्ञान परंपरा की प्रासंगिकता को रेखांकित किया। कार्यक्रम के अंत में धन्यवाद ज्ञापन डॉ. रजनी द्वारा किया गया तथा सम्मेलन की विस्तृत रिपोर्ट डॉ. इंदु ने प्रस्तुत की। इस अवसर पर प्रो. डॉ. दीपक पठानिया ने भी उपस्थित जनसमूह को संबोधित किया। इसके पश्चात पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें उत्कृष्ट शोध पत्रों एवं प्रस्तुतियों को सम्मानित किया गया। बेस्ट यंग रिसर्चर अवार्ड नीरज सोनी (भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान जम्मू) को प्रदान किया गया। ओरल प्रेजेंटेशन श्रेणी में प्रथम पुरस्कार डॉ. रिंकू शर्मा (आईसीएआर-आईवीआरआई क्षेत्रीय केंद्र पालमपुर) को, द्वितीय पुरस्कार डॉ. कमल वाटिका (चंडीगढ़ विश्वविद्यालय) को तथा तृतीय पुरस्कार डिम्पल (बाबा मस्तनाथ विश्वविद्यालय) को प्रदान किया गया। पोस्टर प्रेजेंटेशन श्रेणी में प्रथम पुरस्कार अस्मी चोपड़ा को, द्वितीय पुरस्कार चाहत (लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी) तथा तृतीय पुरस्कार अमनदीप (Minerva PG College of Arts Science and Commerce) और मानसी (केंद्रीय विश्वविद्यालय हिमाचल प्रदेश) को संयुक्त रूप से प्रदान किए गए। अंत में प्राचार्य डॉ. प्रशांत कुमार ने सभी अतिथियों, विद्वानों, शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ गरिमापूर्ण ढंग से किया गया।
नूरपुर पुलिस द्वारा मादक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध चलाए जा रहे निरंतर अभियान के अंतर्गत एक व्यक्ति को प्रतिबंधित नशीले पदार्थ के साथ हिरासत में लिया गया है। नियमित गश्त और चेकिंग के दौरान CIA नूरपुर ने कंडवाल पुलिस चौकी के समीप एक संदिग्ध व्यक्ति को जांच हेतु रोका। नियमानुसार ली गई तलाशी के दौरान व्यक्ति के कब्जे से 6.63 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद हुआ। आरोपी की पहचान अजय दानियाल उर्फ मंजू (उम्र 44 वर्ष), निवासी गांव जेंट, डा° रामनगर दिनी, तहसील इंदौरा, जिला कांगड़ा के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध NDPS अधिनियम की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस जिला नूरपुर द्वारा अवैध खनन के विरुद्ध अपनाई गई 'जीरो टॉलरेंस' नीति के तहत बीती रात कंडवाल, इंदौरा और मण्ड (Mand) क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाया गया। इस अभियान के दौरान पुलिस अधीक्षक नूरपुर और पुलिस थाना इंदौरा व नूरपुर की टीमों ने मौके पर उपस्थित रहकर दबिश दी और माइनिंग नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की। अभियान के दौरान पुलिस द्वारा कुल 20 वाहनों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की गई है। अधीक्षक की उपस्थिति में की गई छापेमारी के दौरान इंदौरा और सीमावर्ती क्षेत्र में 17 भारी मल्टी-एक्सल ट्रकों (Multi-axle trucks) को अवैध गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने पर जब्त किया गया। साथ ही, 01 ट्रैक्टर का नियमों के उल्लंघन हेतु मौके पर चालान किया गया। वही नूरपुर पुलिस की टीम ने प्रभावी नाकाबंदी के दौरान 02 अन्य भारी ट्रकों को कब्जे में लेकर जब्त किया। इस पूरी कार्रवाई के दौरान कुल 19 भारी वाहनों को पुलिस द्वारा जब्त किया गया है। इन सभी वाहनों को खनन और मोटर वाहन अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत आगामी वैधानिक कार्रवाई हेतु माननीय अदालत भेजा जा रहा है। एक (01) ट्रैक्टर का मौके पर ही चालान किया गया है। पुलिस अधीक्षक नूरपुर ने निर्देश दिए हैं कि जिला में प्राकृतिक संसाधनों की अवैध निकासी पर अंकुश लगाने हेतु निरंतर गश्त और औचक निरीक्षण जारी रहेंगे। अवैध खनन के विरुद्ध पुलिस का यह कड़ा रुख भविष्य में भी इसी प्रकार बना रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे।
इंदौरा विधायक मलेंद्र राजन ने आज क्षेत्र के समग्र विकास को नई दिशा देते हुए पराल से भोगरवां मार्ग पर दो महत्वपूर्ण पुलों का विधिवत शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने 64 मीटर स्पैन के पुल, जिसकी अनुमानित लागत लगभग 2.50 करोड़ रुपये है, तथा 30 मीटर स्पैन के पुल, जिसकी लागत लगभग 2 करोड़ रुपये है, के निर्माण कार्य की शुरुआत करवाई। उन्होंने कहा कि हाल ही में आई बाढ़ के कारण कई मार्ग क्षतिग्रस्त हो गए थे, जिससे आम जनता को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। इन परिस्थितियों को देखते हुए इन पुलों का निर्माण रिकॉर्ड समय में पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, ताकि लोगों को जल्द से जल्द राहत मिल सके। विधायक ने कहा कि त्यौड़ा पत्तन पुल तथा ठाकुरद्वारा-मलकाना पुल को भी प्राथमिकता के आधार पर लिया गया है। इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से न केवल प्रभावित क्षेत्रों में संपर्क बहाल होगा, बल्कि स्थानीय लोगों की दैनिक आवाजाही भी सुगम हो सकेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्यों में किसी प्रकार की ढिलाई न बरती जाए और गुणवत्ता के साथ-साथ समयसीमा का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने बताया कि मंड-बरोटा सड़क का निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है और इसे शीघ्र पूरा करने के लिए संबंधित विभाग को निर्देशित किया गया है। इस सड़क के पूर्ण होने से क्षेत्र के कई गांवों को बेहतर सड़क सुविधा उपलब्ध होगी, जिससे विकास को नई गति मिलेगी। उन्होंने जानकारी दी कि बाईं इंदौरिया से मंड होते हुए पराल तक जाने वाली सड़क, जो बाढ़ के कारण बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई थी, अब पूरी तरह दुरुस्त कर दी गई है। इस मार्ग के पुनर्निर्माण से स्थानीय निवासियों को बड़ी राहत मिली है और अब आवागमन पहले की तरह सुचारु रूप से शुरू हो गया है। उन्होंने कहा कि मिलवां से बरोटा सड़क का निर्माण कार्य लगभग 20 करोड़ रुपये की लागत से किया जा रहा है, जो लंबे समय से क्षेत्र की एक प्रमुख मांग रही है। इस अवसर पर विधायक ने प्रदेश सरकार की जनहितैषी नीतियों का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार का उद्देश्य हर क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं को सुदृढ़ करना है। सड़क, पुल और अन्य आधारभूत ढांचे के विकास के माध्यम से ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों को मुख्यधारा से जोड़ने का निरंतर प्रयास किया जा रहा है। इस अवसर पर ओबीसी सेल के अध्यक्ष केवल कृष्ण, चिराग युवक मंडल के प्रधान सतिंदर गुलेरिया, पराल की पूर्व प्रधान परकाशो देवी,पूर्व उप प्रधान अरुण कुमार, मलकाना के पूर्व प्रधान तारा चंद, पूर्व उप प्रधान राम कुमार, लोक निर्माण विभाग के एसई महिंदर पाल धीमान, एक्सईएन दीपक महाजन, किसान मोर्चा से राजेश स्किंटू, गगन , पूर्व वार्ड सदस्य रूप लाल, सनौर के पूर्व उप प्रधान कश्मदीन तथा मलकाना से नरेंद्र कुमार सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
इंदौरा स्थित मिनर्वा पी.जी. कॉलेज ऑफ आर्ट्स, साइंस एंड कॉमर्स में “21वीं सदी: अवसर और चुनौतियां” विषय पर दो दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का भव्य शुभारंभ हुआ। सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य “सस्टेनेबल प्लेनेट” की अवधारणा को केंद्र में रखते हुए 21वीं सदी में पर्यावरण संरक्षण, जलवायु परिवर्तन तथा संयुक्त राष्ट्र के 17 सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) को प्राप्त करने की दिशा में अवसरों और चुनौतियों पर विचार-विमर्श करना रहा। सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में प्रो. एस. के. मेहता (पूर्व कुलपति, लद्दाख विश्वविद्यालय) उपस्थित रहे, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रो. बलबीर सिंह कैथ (एनआईटी जालंधर) शामिल हुए। मुख्य वक्ता प्रो. (डॉ.) डी. आर. ठाकुर (निदेशक, एचआरडीसी, एचपीयू शिमला) ने अपने संबोधन में वर्तमान समय में सतत विकास की आवश्यकता पर जोर दिया। इस अवसर पर प्रो. दीपक पठानिया (अध्यक्ष, एचएससीए), प्रो. (डॉ.) सुनील कुमार (सीयूएचपी धर्मशाला), प्रो. (डॉ.) राजेश कुमार शर्मा (उपाध्यक्ष, एचएससीए, एसपीयू मंडी), डॉ. आर. के. नेगी (अध्यक्ष, बायोसाइंसेज, एचपीयू शिमला), डॉ. राकेश कुमार (सचिव, एचएससीए), डॉ. वीरेंद्र प्रताप सिंह, डॉ. अशोक कुमार, प्रो. जगदीप वर्मा एवं डॉ. सरिता पठानिया सहित अनेक गणमान्य शिक्षाविदों ने भाग लिया। इसके अतिरिक्त डॉ. सचिन उपमन्यु, डॉ. सुनील कुमार (एचपीयू शिमला), डॉ. मनोज कुमार, डॉ. दिलजीत, डॉ. कामाक्षी लुंबा, डॉ. अरुप गिरी, डॉ. यूनिश अहमद हाजम तथा डॉ. नितेश कुमार सहित विभिन्न संस्थानों के शिक्षकों एवं शोधार्थियों की उपस्थिति ने सम्मेलन की गरिमा को और बढ़ाया। कार्यक्रम के दौरान मिनर्वा ग्रुप ऑफ कॉलेज के चीफ पैट्रन डॉ. गोपाल सक्सेना की पुस्तक “Indian Education System” का लोकार्पण किया गया, जो सम्मेलन का विशेष आकर्षण रहा। प्रबंधन समिति के अध्यक्ष जरनैल सिंह पटियाल ने सभी अतिथियों का स्वागत किया। कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि आज की 21वीं सदी “सस्टेनेबल प्लेनेट” की अवधारणा पर आधारित है, जहां जलवायु परिवर्तन एक गंभीर चुनौती है। उन्होंने कहा कि संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए सामूहिक प्रयास आवश्यक हैं और ऐसे सम्मेलन विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों को नई दिशा प्रदान करते हैं। सम्मेलन में मेहक शर्मा (सरकारी डिग्री कॉलेज नूरपुर) और हर्ष कटोच (सरकारी सुग भटोली) को 11,000 रुपये की ‘चोफला अवार्ड’ छात्रवृत्ति प्रदान की गई। यह पुरस्कार Vele’s Food Private Limited के प्रबंध निदेशक द्वारा अपने माता-पिता की स्मृति में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के 12वीं कक्षा के मेधावी विद्यार्थियों को विज्ञान के क्षेत्र में प्रोत्साहित करने हेतु प्रदान किया जाता है। सम्मेलन के अंतर्गत विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया, जिसमें देशभर के विश्वविद्यालयों के प्रोफेसरों द्वारा शोध पत्र प्रस्तुत किए गए। साथ ही मॉडल प्रस्तुति प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया, जिसमें विभिन्न स्कूलों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतियोगिता में रिधिमा एवं संयमदीप (सेक्रेड कैम्ब्रिज स्कूल, गनोह), संयमदीप व रिया (राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय दाह कुलारा), शौर्य डोगरा एवं शिवांगी कटोच (प्रताप वर्ल्ड स्कूल, इंदौरा), वंश (श्री निखिलेश्वर वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय देवोठी), शिवांगी, भूमि एवं प्रद्युमन (लोटस पब्लिक स्कूल) तथा आदर्श (पीएम श्री वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सरकाघाट) सहित अनेक विद्यार्थियों ने भाग लिया। मॉडल प्रस्तुति प्रतियोगिता में प्रथम स्थान रिया (राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय दाह कुलारा), द्वितीय स्थान वंश (श्री निखिलेश्वर वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय देवोठी), तृतीय स्थान संयमदीप (सेक्रेड कैम्ब्रिज स्कूल, गनोह) तथा चतुर्थ स्थान शिवांगी कटोच (प्रताप वर्ल्ड स्कूल, इंदौरा) ने प्राप्त किया। विजेताओं को क्रमशः 5000, 3000, 2000 और 1000 रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की गई, जबकि सभी प्रतिभागियों को सहभागिता प्रमाण पत्र भी वितरित किए गए। इसके अतिरिक्त सम्मेलन में सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने रंगारंग प्रस्तुतियां देकर सभी का मन मोह लिया। इस राष्ट्रीय सम्मेलन में देशभर के विभिन्न शिक्षण एवं शोध संस्थानों जैसे बाबा मस्तनाथ विश्वविद्यालय (रोहतक), इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी जम्मू, अर्नी विश्वविद्यालय कांगड़ा, पंडित सुशील रतन राजकीय महाविद्यालय ज्वालामुखी, आईसीएआर-आईवीआरआई पालमपुर, चंडीगढ़ विश्वविद्यालय, सीटी ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूट्स, गुरु नानक देव विश्वविद्यालय, लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी, हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला, केंद्रीय विश्वविद्यालय जम्मू, सीयूएचपी धर्मशाला, एसपीयू मंडी, सरकारी डिग्री कॉलेज इंदौरा सहित अनेक संस्थानों के 100 से अधिक शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों ने भाग लिया। यह दो दिवसीय सम्मेलन आगामी सत्रों में विभिन्न शोध पत्रों की प्रस्तुति और विचार-विमर्श के साथ जारी रहेगा, जिसमें देशभर से आए विशेषज्ञ अपने अनुभव और शोध के माध्यम से प्रतिभागियों को मार्गदर्शन प्रदान करेंगे।


















































