योग दिवस पर आर्ट आफ लिविंग का अनूठा आयोजन, लाखों लोगों को करवाएगा ऑनलाइन योग
अंतरराष्ट्रीय आर्ट ऑफ लिविंग द्वारा विशेष आयोजन किया जा रहा है जिस दिन लाखों लोग ऑनलाइन योग करेंगे जिसे आर्ट ऑफ लिविंग के 20 हजार शिक्षक करवाएंगे। योग शिक्षकों द्वारा निर्देशित योग प्रोटोकॉल के आधार पर योग किया जाएगा। इसके बाद गुरुदेव श्री श्री रविशंकर वर्ल्ड मेडिटेशन कराएंगे। यहाँ पर उलेखनीय हे कि 18 से 21 जून के मध्य होने वाले ‘श्री श्री योग उत्सव’ में भाग लेने के लिए एक लाख लोगों ने रजिस्ट्रेशन कराया है, जो आर्ट ऑफ लिविंग के साथ सूर्य नमस्कार चैलेंज स्वीकार करेंगे।
बेंगलुरु स्थित आर्ट ऑफ लिविंग का इंटरनेशनल सेंटर छठे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को मनाने के लिए पूरी तरह से तैयार है जिसमें 156 देशों के 20 हजार श्री श्री योग शिक्षकों के साथ लाखों लोग भाग लेकर इस प्राचीन अभ्यास का उत्सव मनाएंगे और सामान्य योग प्रोटोकॉल के आधार पर योग करेंगे। इस के बाद वैश्विक आध्यात्मिक नेतृत्व कर्ता गुरूदेव श्री श्री रविशंकर शांति और सामंजस्य के लिए वर्ल्ड मेडिटेशन कराएंगे। 21 जून को शाम 6 से 8 बजे के बीच इस आयोजन का सीधा प्रसारण यूट्यूब पेज ( You Tube.com/Sri Sri )पर किया जाएगा। छठा अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाने के लिए आर्ट ऑफ लिविंग हेड क्वार्टर में अनेक आयोजनों का प्रबन्ध किया गया है। योग उत्साही चिंता और तनाव को दूर करने में योग की प्रभावशीलता का लोहा मानते हैं,जो लॉक डाउन में जीवन पर दो सर्वव्यापी अभिशाप हैं। योग हमारे दैनिक जीवन में अनुभव किए जाने वाली नकारात्मक भावनाओं को प्रसन्नता, स्थिरता एवम् शांति में परिवर्तित कर देता है। जीवनशैली की अव्यवस्थाओं, जिनकी जड़ें तनाव, थकान, आराम पसंद व गलत जीवनशैली में हैं, को संभालने के लिए योग समय - समय पर परीक्षित की गई औषध है।
गुरुदेव रविशंकर योग के विज्ञान और केवल शारीरिक रूप से किए जाने वाले आसनों के बीच अंतर को बताते हुए कहते हैं," मनुष्य के सम्पूर्ण सामर्थ्य का उदय होना ही योग है। दुख को आने से पहले ही रोक देना योग है। योग वह लहर है जो अपनी गहराई से जुड़ी है।यह हमें प्रसन्नता के स्रोत की ओर ले जाता है, जो मानवजाति की सर्वश्रेष्ठ संपत्ति है। संपत्ति का उद्देश्य प्रसन्नता एवम् विश्राम प्रदान करना है और योग सम्पूर्ण विश्राम प्रदान करता है।"
