ट्रक ऑपरेटरों को कार्य नहीं दे रही सीमेंट कंपनी, हो रहा आर्थिक नुकसान
प्रदेश में सीमेंट उत्पादन कर रही देश की अग्रणी सीमेंट कंपनी अल्ट्राटेक सीमेंट जो निरंतर तय मानकों एवं विधिक प्रावधानों का अक्षरस अनुपालना करने का दावा करती है व अपने दावों पर खरी उतरती नजर नहीं आ रही है। अल्ट्राटेक सीमेंट के प्रदेश में बागा और बघेरी में दो सीमेंट कारखाने हैं, बघेरी में सीमेंट उत्पादन हेतु बागा से ही क्लिंकर का ढुलान होता है। इस ढुलान को बागा के स्थानीय सहकारी परिवहन सभाएं करती है, पिछले लगभग 44 दिनों से अल्ट्राटेक प्रबंधन द्वारा बागा के स्थानीय ट्रक ऑपरेटरों को क्लींकर ढलान कार्य नहीं प्रदान किया गया, नतीजन ट्रक ऑपरेटरों को आर्थिक नुकसान हुआ। वहीं दूसरी ओर अल्ट्राटेक प्रबंधन द्वारा अपने बघेरी स्थित सीमेंट कारखाने में सीमेंट उत्पादन हेतु क्लींकर कोटपुतली राजस्थान से रेल द्वारा चंडीगढ़ दड़वा तक मंगवाया गया। उसके आगे 10 चक्की गाड़ियों में मोटर वाहन अधिनियम में निर्धारित भार क्षमता से कई गुना अधिक क्लिंकर लादकर बघेरी कारखाने तक पहुंचाया गया। इस संपूर्ण प्रकरण से अल्ट्राटेक सीमेंट की अधिकतम मुनाफा एवं विधि द्वारा स्थापित मोटर वाहन अधिनियम के प्रावधानों की सरेआम अवहेलना की पराकाष्ठा प्रतिलक्षित होती है। जहां एक ओर अल्ट्राटेक सीमेंट द्वारा बागा के स्थानीय ट्रक ऑपरेटर को समुचित माल ढुलाई प्रदान न कर बाहरी राज्यों से मोटर वाहन अधिनियम के प्रावधानों की घोर सवेंदनहीनता का परिचय दिया है। वहीं दूसरी ओर ओवरलोडिंग माल ढुलाई करवाकर पहाड़ी राज्य पर्यावरण को प्रदूषण करने में भी पहल कर दी है।
