कुनिहार : सिविल अस्पताल में 108 की सुविधा न होने के कारण 26 वर्षीय युवक को गवानी पड़ी जान
कुनिहार के सिविल हॉस्पिटल में पिछले काफी समय से बेहतरीन स्वास्थ्य सुविधाओं के दावे खोखले नजर आते है। अस्पताल की अधिकतर सुविधाएं वेंटिलेटर पर है। मरीज़ों को टेस्ट करवाने के लिए बाजार का रुख करना पड़ता है। अस्पताल में अल्ट्रासाउंड मशीन होने के बवजूद भी तकनीशियन नही है। वही शनिवार रात्रि को भी हॉस्पिटल में आपातकाल में एक 26 वर्षीय युवक द्वारा कोई कीटनाशक खाने का मामला सामने आया है, जिसे चिकित्सक द्वारा शिमला आईजीएमसी रेफर किया गया। आपातकाल में 108 व ऑक्सीजन की मरीज़ को सख्त जरूरत थी, परन्तु हॉस्पिटल में 108 उपलब्ध न होने के कारण मरीज़ को देर रत करीब 3 बजे निजी वाहन से शिमला ले जना पड़ा। वंही युवक को सायरी के पास 108 एम्बुलेंस में शिफ्ट किया गया लेकिन उसकी जान नहीं बच पायी। युवक के जीजा महेंद्र शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि कुनिहार अस्पताल में 108 की सुविधा न होने के कारण मरीज़ को निजी वाहन में बिना ऑक्सीजन सुविधा के अपने जोखिम पर ले जाना पड़ा, जिसके चलते समय पर ऑक्सीजन न मिल पाने के कारण मरीज़ को अपनी जान गवांनी पड़ी। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की करीब 8 से 10 पंचायतों के हजारों लोगों को स्वास्थ्य सुविधा देने वाले कुनिहार सिविल हॉस्पिटल में 108 जैसी महत्वपूर्ण सुविधा सरकार को देनी चाहिए, ताकि आपातकाल में मरीजो की जान बचाई जा सके। वंही बीएमओ अर्की राधा शर्मा ने कहा कि कुनिहार अस्पताल में सुविधाओं की कुछ कमी है जो हमारे संज्ञान में है,bसफाई कर्मचारी यंहा से प्रमोट हो गए है जिनकी जगह अभी कोई सफाई कर्मचारी नही आया है। सीएमओ सोलन को इस विषय से अवगत करवाया जा चुका है। 108 सुविधा अर्की व चण्डी से ही कुनिहार व आसपास के क्षेत्रों को उपलब्ध रहती है।
