सावन महीने के जेष्ठ सोमवार को कुनिहार के शिवालयों में लगी शिव भक्तो की भारी भीड़
सावन महीने के जेष्ठ सोमवार को कुनिहार जनपद के शिवालयों में शिव भक्तो की भारी भीड़ रही। कुनिहार क्षेत्र की प्रसिद्ध प्राचीन शिव तांडव गुफा में श्रद्धालु सुबह से ही स्वयं भू शिवलिंग के दर्शनार्थ पहुंचे और दोपहर से शाम तक सैंकड़ो शिव भक्तो ने पवित्र गुफा में अपने आराध्य देव की पूजा अर्चना कर शीश नवां कर भोले शंकर का आशीर्वाद लिया। रविवार से समिति व शम्भू परिवार के सौजन्य से गुफा में चल रही दो दिवसीय श्री रामचरित मानस कथा को हवन व पूर्णाहुति के साथ विराम दिया गया। समिति के प्रधान रामरत्न ने बताया कि गुफा में प्रशासन के सभी दिशा निर्देशों का पालन किया जा रहा है और भक्तों से भी मास्क सैनिटाइजर व उचित दूरी बनाए रखने की अपील की गई है। इस अवसर पर समिति उपाध्यक्ष अमरीश ठाकुर, सचिव गोपाल कृष्ण शर्मा, गुमान, हेमन्त शर्मा, साहिल ठाकुर, मनु भारद्वाज सहित समस्त समिति व शम्भू परिवार के सदस्य मौजूद रहे।वन्ही सावन महीने में शिव पूजन की महत्ता पर कुनिहार के ज्योतिषाचार्य कामेश्वर शर्मा ने बातचीत में बताया कि सावन माह के सभी सोमवार के व्रत पूरे साल में लिए गए व्रतों के बराबर फलदायक है। सावन महीने मे शुद्ध अन्तःकरण मन से शिव पूजन करने से प्रत्येक मनोकामना पूरी हो जाती है। उन्होंने संक्रांति के पश्चात सावन माह में शिव पूजन मन वांछित फल दायक होता है। इस महीने में भगवान भोले शंकर को दूध, दन्ही, घी, माखन, गंगाजल, बिल्व पत्र, आक व धतूरा आदि चढ़ा कर विधि पूर्वक पूजा करनी चाहिए। ज्योतिषाचार्य ने विशेष बातचीत में बताया कि सावन माह के सभी सोमवार भोले शंकर की भक्ति, उपासना, जलाभिषेक के लिए सर्वोत्तम माने जाते है और कुनिहार वासियों को आशीर्वाद देने के लिए तो खूबसूरत शिव तांडव गुफा में स्वयं भू भोले नाथ विशाल पिंडी के रूप में स्वयं विराजमान है।
