चौपाल के नेरवा में दर्दनाक हादसा : सांप के डसने से दो सगी बहनों की मौत , कमरे में बेहोश मिलीं दोनों बच्चियां
शिमला जिले के उपमंडल चौपाल के नेरवा क्षेत्र के टेलर गांव में साप के डसने साई दो सगी बहनो की मौत हो गई I मृतकों की पहचान महक (10) और कनक (7) पुत्रियां जितेंद्र निवासी गांव टेलर, डाकघर थंगाड तहसील नेरवा के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार 20 सितंबर की रात दोनों बहनें अपने माता-पिता के साथ मकान की धरातल मंजिल के एक कमरे में सोई थीं। अगले दिन सुबह पिता काम से बाहर चले गए, जबकि मां सपना खेतों में काम करने चली गईं। करीब आठ बजे मां घर लौटी तो दोनों बच्चियां कमरे में बेहोशी की हालत में पड़ी थीं। आवाज लगाने और उठाने का प्रयास करने के बावजूद दोनों ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।
उसी समय माँ ने एक साप को कमरे से बहार जाते हुए देखा I परिजनों को आशंका हुई की दोनों बचियों को सांप ने डसा है I परिजनों ने तुरंत दोनों बचियों को उपचार के लिए स्थानीय अस्पताल त्यूनी उत्तराखंड पहुंचाया I प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रोहड़ू रेफर किया गया। वहां से दोनों को आगामी उपचार के लिए आईजीएमसी शिमला रेफर किया गया। 21 सितंबर को रात करीब 2:46 बजे पुलिस पिकेट आईजीएमसी से थाना नेरवा को सूचना मिली कि दोनों बच्चियों को उपचार के लिए आईजीएमसी लाया गया है, जहां उपचार के दौरान महक की मौत हो गई।पुलिस अधिकारी अस्पताल पहुंचने के लिए रवाना हुए, इसी दौरान कनक की भी मौत की सूचना मिली। पुलिस ने दोनों शवों का पोस्टमार्टम करवाने के बाद अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और चिकित्सकों की अंतिम राय अभी प्राप्त होना बाकी है। पुलिस ने धारा 194 बीएनएसएस के तहत कार्रवाई शुरू की है। प्रारंभिक जांच और परिजनों के बयानों के आधार पर दोनों बहनों की मौत जहरीले सांप के काटने से होने की आशंका जताई जा रही है। पुलिस की ओर से मामले में अन्य प्रत्यक्षदर्शियों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं। इस विषय में एसडीएम चौपाल हेमचंद वर्मा ने कहा कि मृतक बच्चों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट अभी तक नहीं प्राप्त हुई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यदि मृत्यु का कारण सर्पदंश बताया जाएगा तो सरकारी राहत मैनुअल के अनुसार परिवार को राहत राशि प्रदान कर दी जाएगी।
