दाड़लाघाट : मांग को लेकर रत्न पाल से मिला पंचायत का प्रतिनिधिमंडल
मनाेज शर्मा। दाड़लाघाट
किसी भी गांव की तकदीर तभी बदली जा सकती है, जब वह गांव मूलभूत सुविधाओं से सुसज्जित हो। यदि गांव में सड़क सुविधा न हो, तो विकास की बात करना किसी को अपमानित करने जैसा ही है। ग्राम पंचायत बैरल के मट्रेच गांव में आज तक सड़क की सुविधा नहीं है और तो और इस गांवों तक पैदल चलने के रास्ते भी नहीं है। इसी मांग को लेकर पंचायत सदस्य मट्रेच नंद लाल की अध्यक्षता में एक प्रतिनिधिमंडल अर्की के वरिष्ठ भाजपा नेता रत्नपाल से मिला और पंचायत प्रस्ताव के माध्यम से उन्हें अपनी समस्या बारे अवगत करवाया। सदस्य नंदलाल ने बताया कि इससे पूर्व भी इस सड़क निर्माण हेतु प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री व सभी विभागों को पत्र लिखकर अवगत करवा चुके हैं, लेकिन आज तक न तो मुख्य्मंत्री कार्यालय से न ही किसी विभाग से कोई जवाब आया है।
गौरतलब है कि सोलन जिला की दूरदराज एवम पिछड़ी पंचायत बैरल के गांव मट्रेच में आजादी के 75 वर्ष बीत जाने के बाद भी सड़क व पैदल चलने वाले रास्तों की सुविधा नहीं है। अगर कोई व्यक्ति बीमार हो जाता है, तो उसे सड़क तक पहुंचाना मुश्किल हो जाता है। कई बार तो बीमार व्यक्ति रास्ते में ही अपनी जान गवां चुके हैं। यहां के ग्रामीणों ने बताया कि अब स्थानीय भाजपा के वरिष्ठ नेता के माध्यम से प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन दिया है कि इस गांवों को जल्द से जल्द सड़क निर्माण किया जाए, ताकि ग्रामीणों को सड़क सुविधा का लाभ मिल सके। प्रतिनिधिमंडल में मट्रेच वार्ड सदस्य नंदलाल, लेखराज, जगदीश, किशोरी, भगत राम, जगतपाल, हरिचंद, जयदेव, राकेश, दिलाराम, लब्धु राम व जोगिंदर सहित अन्य ग्रामीण लोग उपस्थित रहे।
