दाड़लाघाट : नियमित डॉक्टर न मिलने से लोगों को झेलनी पड़ रही भारी परेशानी
प्रदेश सरकार स्वास्थ्य को लेकर बड़े बड़े दावे करती है लेकिन जमीनी हकीकत की बात करे, तो यह दावे कोसो दूर है। स्वास्थ्य को लेकर अगर सब उपमंडल दाड़लाघाट के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नवगांव की बात करे तो यहाँ काफी दिनों से कर्मचारियों के पद रिक्त होने से 6 पंचायतों सहित जिला बिलासपुर की सीमा में आने वाली पंचायतों के लोग स्वास्थ्य सुविधाओं से महरूम हैं। लोगों को अपने इलाज के लिए अर्की या बिलासपुर जाना पड़ता है, जिससे उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। जबकि स्थानीय पंचायत व आसपास की पंचायतों के लोगों की स्वास्थ्य सुविधाएं राम भरोसे है। पंचायत सन्याडी मोड़ के प्रधान शंकर लाल,चाखड़ की प्रधान गुरदेई ठाकुर, उपप्रधान नवगांव चुन्नीलाल, नीम चंद ,सीता देवी ,कांता देवी, बीना देवी, लीला देवी, सुमन गौतम, सचिन गुप्ता, भीम दत्त शुक्ला, अमरनाथ गौतम व पंकज का कहना है कि लोग दूर-दूर से स्वास्थ्य की जांच करवाने के लिए स्वास्थ्य केंद्र नवगांव के चक्कर लगा रहे हैं लेकिन डॉक्टर के नियमित न होने से स्वास्थ्य की जांच नहीं हो पा रही है। लोगों का कहना है कि पिछले दिनों से खाली चल रहे डॉक्टर के पद पर ऑन डेपुटेशन अर्की से एलोपैथी के बजाय आयुर्वेदिक डॉक्टर की नियुक्ति की है, जिससे लोगों को नियमित एलोपैथी डॉक्टर के ना होने से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि एक तरफ तो सरकार बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के बड़े-बड़े दावे कर रही है। ऐसे में नियमित डॉक्टर न मिलने से लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। उधर, ग्राम पंचायत नवगांव के प्रधान कृष्ण देव गौतम का कहना है कि इस बारे लिखित रूप में सरकार से गुहार लगाई गई, लेकिन अभी तक रिक्त पदों की स्थिति ज्यों के त्यों हैं। उन्होंने ग्राम पंचायत की ओर से एक प्रस्ताव पारित कर लिखा है जिसमें मांग की गई है कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नवगांव में रिक्त पड़े पदों को शीघ्र भरा जाए। रिक्त पड़े पदों में चिकित्सक का पद, फार्मासिस्ट, लेब टेक्नीशियन के पद भरने के लिए भी गुजारिश की है।
जब इस बारे में कार्यकारी खण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ केशव बेनीपाल से बात की गई तो उन्होंने बताया कि उनके पास आजकल खण्ड चिकित्सा अधिकारी का चार्ज है। जानकारी के अनुसार पीएचसी नवगांव में एक आयुर्वेदिक डॉक्टर डेपुटेशन पर लगाया है, बाकी वहां पर एक चपड़ासी ही तैनात है। सभी पद खाली चल रहे हैं।इस बारे में सरकार को लिख कर भेज दिया है। सरकार जल्द ही वहाँ पर डॉक्टर व अन्य स्टाफ की नियुक्ति करेगी।
