नशे के विरूद्ध अभियान के तहत राजकीय महाविद्यालय के छात्रों ने करोल तक की ट्रैकिंग
नशा निवारण अभियान के तहत राजकीय महाविद्यालय सोलन के छात्रों ने चंबाघाट से करोल टिब्बा तक ट्रैकिंग अभियान आयोजित किया। इस अवसर पर महाविद्यालय के लगभग 100 छात्र-छात्राओं ने ट्रैकिंग के के दौरान ग्रामीणों को नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी प्रदान की। राजकीय महाविद्यालय सोलन की प्रधानाचार्य डॉ. नीलम कौशिक ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा कार्यान्वित किए गए मादक द्रव्य एवं मदिरा व्यसन पर रोक अभियान के तहत महाविद्यालय में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जा रही है। उन्होंने कहा कि छात्रों को व्याख्यान माला एवं अन्य संवाद कार्यक्रमों के माध्यम से नशे के दुष्प्रभावों के बारे में अवगत करवाया जा रहा है। कंडाघाट स्थित बाहरा विश्वविद्यालय में इस अवसर पर जिला प्रशासन के सहयोग से फिजियोथेरेपी शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में छात्रों को बताया गया कि नशा किस प्रकार हमारे सभी अंगों को कमज़ोर बनाता है। शिविर में फिजियोथेरेपी के माध्यम से शारीरिक एवं मानसिक रूप से सक्रिय रहने की जानकारी दी गई। जिला पशुपालन विभाग द्वारा आज विभिन्न ग्राम पंचायतों में पशुधन और स्वास्थ्य पर चर्चा के साथ-साथ लोगों को मादक पदार्थों के व्यसन एवं मदिरा व्यसन से दूर रहने की जानकारी प्रदान की गई। इस अवसर पर पशु चिकित्सकों ने ग्रामीणों को बताया कि अपने, अपने परिवार, प्रदेश तथा राष्ट्र की सुरक्षा के लिए हम सभी को नशे से दूर रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि नशे का आदी व्यक्ति न तो अपनी खेती की सुरक्षा कर सकता है और न ही अपने पशुओं की रक्षा। उन्हें विभिन्न प्रकार के नशों की जानकारी दी गई। इस अवसर पर पशु चिकित्सालय अर्की, पशु चिकित्सालय नालागढ़, पशु औषधालय डूमैहर सहित अन्य स्थानों पर नशा निवारण की शपथ भी दिलाई गई।
