धर्मशाला : सुधीर शर्मा ने लोगों को समर्पित की योल-बनोरड़ू-बरवाला सड़क
** बरवाला और ढगवार में बनने वाले खेल मैदानों की रखी नींव
कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव एवं धर्मशाला से विधायक सुधीर शर्मा ने शुक्रवार को जनता के लिए तोहफों की झड़ी लगा दी। सुधीर शर्मा ने शुक्रवार को एक सादे समारोह में योल-बनोरड़ू-बरवाला सड़क का लोकार्पण किया। विधायक ने इस दौरान बरवाला और ढगवार में बनने वाले खेल मैदानों की भी नींव रखी। ढगवार में 22 कनाल पर बनने वाले खेल मैदान का भी शिलान्यास किया। इन मैदानों पर 25 लाख प्रति मैदान खर्च होंगे। इसके उपरांत उन्होंने दाड़ी में बाइस लाख से बनाए गए हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटेड के शिकायत निवारण कक्ष एवं कनिष्ठ अभियंता कार्यालय का लोकार्पण किया।
नेत्र मोबाइल इकाई के विश्राम गृह व प्रशिक्षण केंद्र का किया लोकार्पण
दोपहर बाद उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी कांगड़ा के कार्यालय में नेत्र मोबाइल इकाई के विश्राम गृह व प्रशिक्षण केंद्र का लोकार्पण किया। ढगवार पंचायत में अपने संबोधन में सुधीर शर्मा ने कहा कि मिल्क प्लांट की अपग्रेडेशन के बाद इस पंचायत में 22 कनाल जमीन पर खेल मैदान का रास्ता साफ हो गया है। सुधीर शर्मा ने कहा कि ढगवार मिल्क प्लांट की अपग्रेडेशन, ढगवार-मसरेहड़ सड़क के साथ ही यह खेल मैदान तय समय पर पूरा कर लिया जाएगा। इसके लिए 10 लाख की राशि जारी हुई है। जरूरत पड़ने पर और मदद दी जाएगी। चकवन ढगवार में जिस स्थान पर खेल मैदान बनाया जा रहा है, वहां तक रोड भी बनाया जाएगा। यही नहीं, ढगवार से मसरेहड़ के लिए बनने वाली सड़क भी कहीं न कहीं इस खेल मैदान के लिए सुगम रहने वाली है।
धर्मशाला विधानसभा हलके की हर पंचायत में बनेगा खेल मैदान
सुधीर शर्मा ने कहा कि धर्मशाला विधानसभा हलके की हर पंचायत में एक अच्छा खेल मैदान होना चाहिए। इसके लिए वह प्रयासरत हैं। उन्होंने कहा कि मांझी खड्ड के तटीकरण के लिए 10 करोड़ की राशि आ गई है। तटीकरण के साथ मांझी खड्ड के किनारों को बेंच, गजीबो व साइकिलिंग रोड से सुंदर बनाया जाएगा। दाड़ी-मनेड-बगली सड़क पिछली सरकार के कार्यकाल में ठप थी, उसे प्राथमिकता के आधार पर बनाया गया है। उन्होंने पीडब्ल्यूडी अफसरों को निर्देश दिए हैं कि वे धर्मशाला-सकोह, धर्मशाला-पालमपुर समेत अन्य लिंक रोड किनारे ड्रेनेज बनाएं। लोग लगातार इस बारे में शिकायत कर रहे हैं।
उन्होंने सर्दी में जलशक्ति विभाग को भी पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गांवों में भी रियल टाइम वाटर क्वालिटी मॉनीटरिंग सिस्टम लगाए जाएंगे। उन्होंने राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे इंतकाल और तकसीम आदि मामलों का तुरंत निपटारा करें। किसी तरह की विभागीय कोताही सहन नहीं होगी। इसके अलावा जिला प्रशासन को भी कहा है कि वह आपदा प्रबंधन के बचे कार्यों में तेजी लाए।
