गेहूं की खरीद के लिए बनाए गए 11 केंद्र, किसानों को मिलेगी सुविधा
आगामी गेहूं की फसल कटने वाली है। किसान लगभग इसके लिए तैयार भी हैं। ऐसे में प्रदेश के किसानों ने मांग की है कि गेहूं खरीदकेंद्र निर्धारित किए जाएं ताकि वह अपनी फसल को ले जाकर बेच सकें। उनकी इसी मांग को मध्यनजर रखते हुए 11 गेहूं खरीद केंद्र बनाए गए हैं। इस संबंध में हिमाचल प्रदेश मार्केटिंग बोर्ड के प्रबंध निदेशक नरेश ठाकुर ने कहा कि किसानों की मांग को देखते हुए इस बार प्रदेश भर में कुल 11 गेहूं खरीद केंद्र बनाए गए हैं। इससे किसानों को काफी लाभ मिलेगा और वे अपनी फसल को घरों से बेच सकेंगे। इसके लिए 11 खरीद केंद्र बनाए गए हैं। वहीं विगत वर्ष आठ गेहूं खरीद केंद्र ही बनाए गए थे। इनमें ही किसानों को खरीद की सुविधा मुहैया करवाई गई थी। मगर इस बार तीन एक्स्ट्रा खरीद केंद्र बनाए गए हैं, जिससे किसानों को लाभ मिलेगा। इन केंद्रों में 15 अप्रैल से किसानों की गेहूं को खरीदा जाएगा। वहीं इस बार किसानों से इस बार 2015 रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से गेहूं खरीदी जाएगी। हिमाचल प्रदेश मार्केटिंग बोर्ड के प्रबंध निदेशक नरेश ठाकुर ने कहा कि किसानों की मांग को देखते हुए इस बार प्रदेश भर में कुल 11 गेहूं खरीद केंद्र बनाए गए हैं। इस बार अधिक किसानों को अपनी तैयार फसल घरों के पास बेचने में सुविधा होगी। अभी तक किसानों को अपनी फसलें पड़ोसी राज्य पंजाब या हरियाणा में बेचने जाना पड़ता था। ठाकुर का कहना है कि 15 अप्रैल से इन केंद्रों में गेहूं की खरीद शुरू हो जाएगी।
यहां खोले गए हैं गेहूं खरीद केंद्र
1. सिरमौर: हरिपुर टोहना, काल अंब और धौलाकुआं।
2. ऊना : कांगड़ और टकराला।
3. कांगड़ा : गुजरकलां, अरियाली और ठाकुरद्वारा
4. बिलासपुर :मजारी
5. सोलन : नालागढ़, मलपुरा बद्दी।
