सोलर बाड़ बन्दी करवाकर दधोग गांव के 18 परिवार हुए लाभान्वित
झंडूता उपमण्डल की ग्राम पंचायत घण्डीर के गांव दधोग के लोग कृषि पर ही निर्भर थे, उनकी आर्थिकी का एकमात्र साधन खेती-बाड़ी थी। सरयाली खड्ड के किनारे भूमि होने के कारण जमीन काफी उपजाऊ थी लेकिन आवारा बेसहारा पशुओं के झूंड आते और फसलों को तबाह/नष्ट करते व खा लेते है, जिससे किसानों को बहुत अधिक आर्थिकी का नुकसान हो रहा था और किसान काफी परेशान हो रहे थे। किसान दिन-रात खेतों में पहरा देकर पशुओं को भगाने में लगे रहते, कई बार तो पशु उन्हें घायल करके भी चले जाते। किसानों ने कई बार तो निराश होकर खेती-बाड़ी न करने का फैसला लिया लेकिन उन्हें भविष्य में आर्थिकी का और कोई रास्ता नजर नहीं आता। जैसे ही किसानों को पता चला की प्रदेश सरकार द्वारा किसानों को इस संकट से निकालने के लिए कृषि विभाग के माध्यम मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना शुरू की गई है, उनकी खुशी का ठिकाना न रहा और उन्होंने कृषि विभाग से सम्पर्क किया। कृषि विभाग के अधिकारियों ने उन्हें मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना के बारे में विस्तृत रूप जानकारी दी और बताया कि फसलों को पशुओं से बचाने के लिए मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना चलाई जा रही है जिसके तहत किसानों को बाड़ लगाने के लिए सब्सिडी प्रदान की जा रही है।
इस योजना के अंतर्गत किसानों को 80 से 85 प्रतिशत तक की सब्सिडी दी जा रही है। मुख्यमंत्री।खेत संरक्षण योजना किसानों और बागवानों दोनों के लिए फायदेमंद है। मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना के लिए किसान को 20 प्रतिशत तक राशी खर्च करनी पड़ेगी। यदि कोई किसान अकेले इस योजना का लाभ उठाने में अर्स्मथ है तो किसान सामुहिक तौर पर भी इस योजना का लाभ उठा सकते है और समूह में इस योजना के तहत किसानों को सिर्फ 15 प्रतिशत राशि ही देनी पड़ेगी।
ग्राम पंचायत घंडीर के गांव दधोग के किसानों ने अपनी फसलों को बचाने के लिए मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना का लाभ सामुहिक तौर लेने का निर्णय लिए दधोग गांव जोकि सरयाली खड़ के साथ लगता है के 18 परिवार जिसमें बालक राम, रमेश चंद, श्रीराम, रामी देवी, लेख राम, राजेश कुमार, किशोरी लाल, जगदीश, जोगेंद्र पाल, विद्या सागर, पवन कुमार, नुरातु देवी, केसरी देवी, सदा राम, निक्का राम, बलदेव राज, लेख राम, प्रेम लाल के ने मिल कर अपनी जमीन की सामूहिक सौलर बाड़ बंदी करवाई और योजना का लाभ प्राप्त किया जिसमें 85 प्रतिशत अनुदान सरकार द्वारा दिया गया। दधोग गांव के 178 बीघा 6 बिस्वा क्षेत्र कवर किया गया है। इस सौलर बाड़ बंदी पर 16 लाख 63 हजार 5 सौ 30 रुपये खर्च किए गए है जिसमे 14 लाख 14 हजार रुपए सरकार द्वारा अनुदान दिया गया और 2 लाख 49 हजार 5 सौ 30 रुपये का किसानों का शेयर शामिल है। इसके तहत खेतों के चारों ओर 1797 मीटर सोलर स्वचलित बाड़ लगाई।गई है जिसके लिए सोलर से चार्ज 3 बैटरियों लगाई गई है ताकि बाड़ रात को भी कार्य कर सके।
किसानों ने बताया कि सोलर बाड़ बन्दी के उपरांत इस बार उन्होंने गेंहू की भरपूर फसल ली है। पहले उन्हें फसलों की रखवाली करने के लिए काफी लोगों को।खेतों की रखवाली करने के लिए खेतों में रूकना पड़ता था। अब वे बिना किसी।डर से अपने दैनिक कार्यों को निपटाने के लिए बाहर जा रहे है और अपनी।आर्थिकी को मजबूत करने के लिए दिहाड़ी इत्यादि का कार्य कर रहे है। कृषि विभाग द्वारा किसानों के हित के लिए इस योजना को शुरू करने के लिए।किसानों ने प्रदेश सरकार का आभार व्यक्त किया है।
विषय वाद विशेषज्ञ कृषि झंडूता अशोक चन्देल ने बताया कि कृषि विभाग के माध्यम से किसानों के कल्याणार्थ चलाई जा रही विभिन्न सरकारी योजनाओं के बारे में नियमित रूप से किसानों को जागरूक किया जाता है तथा कृषि योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया जा रहा है ताकि किसान इन योजनाओं का लाभ लेकर लाभान्वित हो सके और अपनी आर्थिकी को सुदृढ़ बना सके। उन्होंने बताया कि दधोग गांव के किसानों ने इस योजना का लाभ लेकर मिसाल कायम की है।
