हिमाचल में बढ़ी मानसिक स्वास्थ्य की चिंता, रोज 1200 तक मरीज ले रहे इलाज
शिमला। विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के मौके पर हिमाचल प्रदेश में मानसिक स्वास्थ्य को लेकर चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। प्रदेश में हर दिन करीब 1000 से 1200 मरीज मनोरोग संबंधी उपचार के लिए अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों का रुख कर रहे हैं।
स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार मानसिक तनाव, चिंता, अवसाद और अन्य मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रहे लोगों की संख्या लगातार सामने आ रही है। बड़ी संख्या में लोग इलाज और परामर्श के लिए अस्पताल पहुंच रहे हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि काम का दबाव, पारिवारिक समस्याएं, आर्थिक तनाव, नशे की बढ़ती प्रवृत्ति और बदलती जीवनशैली मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित करने वाले प्रमुख कारणों में शामिल हैं। मानसिक परेशानी को नजरअंदाज करने के बजाय समय रहते विशेषज्ञ से सलाह लेना जरूरी है।
विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस का उद्देश्य भी लोगों को मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और मानसिक बीमारियों को लेकर समाज में मौजूद झिझक व भेदभाव को कम करना है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की है कि मानसिक परेशानी होने पर इसे छिपाने के बजाय परिवार के सदस्यों से बात करें और जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय मदद लें।
