डाॅ. एनके भारद्वाज ने बिलासपुर में चिकित्सा अधीक्षक का पदभार संभाला
नेरचौक मेडिकल काॅलेज में डिप्टी चिकित्सा अधीक्षक पद पर सेवाएं देने के बाद डाॅ. एनके भारद्वाज ने बिलासपुर चिकित्सा अधीक्षक का पदभार संभाल लिया है। यहां पर रिक्त चल रहे चिकित्सा अधीक्षक पद पर अपनी सेवाएं देने के लिए डाॅ. भारद्वाज बिलासपुर पहुंच गए है। इससे पहले डाॅ. भारद्वाज मंडी एमओएच, दीन दयाल उपाध्याय शिमला अस्पताल व हमीरपुर में अस्पताल में भी अपनी सेवांए दे चुके है। दशकों से अपनी सेवाएं दे रहे डाॅ. भारद्वाज अब बिलासपुर में लोगों को अपनी सेवाएं देंगे। पत्रकारों से बात करते हुए चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. भारद्वाज ने बताया कि शुरूआती दौर में उनकी पहली प्राथमिकता यह रहेगी कि दूर-दराज क्षेत्र से आने वाले लोगों को यहां पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं दी जाएं ताकि उन्हें किसी भी तरह की कोई परेशानी का सामना न करना पड़े।
इसी के साथ उन्होंने बताया कि जिला अस्पताल बाॅयो बेस्ट के निष्पादन के लिए कुछ अहम निर्णय भी लिए जाएंगे। जिला अस्पताल में बाॅयो बेस्ट के निष्पादन के लिए बेहतर सुविधा नहीं है जिसके चलते जल्द ही इसके लिए एक खाका तैयार किया जा रहा हैं। इसी के साथ उन्होंने यह भी बताया कि यहां पर काफी लंबे समय से जंग खा रहे सामान को भी साफ किया जाएगा। उनका कहना है कि यहां पर उन्होंने पूरे अस्पताल परिसर का निरीक्षण किया तो अधिकतर स्थानों में काफी लंबे समय से जंग खा रहे सामान भी है जिनको जल्द ही साफ किया जाएगा ताकि अस्पताल परिसर की सुंदरता बरकरार रहेे। उन्होंने बिलासपुर की समस्त जनता से आग्रह भी किया है कि कोविड-19 के समय में अस्पतालों में कम आए। अगर अधिक जरूरी है तभी अस्पताल पहुंचें। उन्होंने बताया कि अस्पताल में हर चिकित्सक को आदेश जारी किए गए हैं कि सोशल डिस्टेसिंग सहित पूरी एहतियात बरतने के बाद ही मरीजों की जांच की जाए। अगर कोई भी व्यक्ति संदिग्ध पाया जाता है तो तुंरत इसका कोविड टेस्ट किया जाए ताकि किसी भी तरह की कोई लापरवाही न बरती जा सके।
गौरतलब है कि इससे पहले यहां पर डाॅ. राजेश आहलूवालिया चिकित्सा अधीक्षक पद पर तैनात थे लेकिन पिछले माह ही वह अपनी सेवाओं से पदमुक्त यानि सेवानिवत हो गए जिसके चलते अब यहां पर डाॅ. एनके भारद्वाज ने पदभार संभाल लिया है और यहां पर लोगों को बेहतर सुविधा देने के लिए प्रयास कर रहे हैं।
