बैजनाथ : बीड़-बिलिंग में पैराग्लाइडिंग की अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता होना गौरव की बात : बाली
हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम के चेयरमैन एवं हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास बोर्ड के उपाध्यक्ष आरएस बाली ने आज बीड़-बिलिंग
में एक्यूरेसी पैराग्लाइडिंग प्री-वर्ल्ड कप-2023 का शुभारंभ किया। मुख्य संसदीय सचिव एवं बैजनाथ के विधायक किशोरी लाल इस अवसर पर विशेष रूप में उपस्थित रहे। प्रतियोगिता से पूर्व आरएस बाली ने प्रतियोगिता के सफलतापूर्वक आयोजन एवं पायलट्स की सुरक्षा के लिए रखे गए हवन में पूर्ण आहुति डाली।
बाली ने कहा कि बीड़-बिलिंग में अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता का आयोजन इलाके, प्रदेश और देश के लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि बिलिंग घाटी पैराग्लाइडिंग के लिए अपनी विशेषताओं के चलते दुनियांभर की सर्वक्षेष्ठ जगहों में आंकी जाती है। उन्होंने बिलिंग पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन को भव्य अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता की बधाई दी और सफलतापूर्वक आयोजन के लिए सामूहिक प्रयासों की सराहना की। उन्होंने एसोसिएशन को बिलिंग में पैराग्लाइडिंग के वर्ल्ड कप के आयोजन के लिए भी सभी मापदंड पूरे करने के प्रयास करने का सुझाव दिया।
एक्यूरेसी पैराग्लाइडिंग प्री-वर्ल्ड कप 2023 कटागिरी-दो में कुल 142 प्रतिभागियों ने अपना पंजीकरण करवाया है। आज प्रतियोगिता में 103 प्रतिभागियों ने भाग लिया। प्रतियोगिता में भारत सहित अमेरिका, नेपाल स्पेन और नीदरलैंड के प्रतिभागी भाग ले रहे हैं। प्रतियोगिता में 95 पुरुष, जिनमें 74 भारतीय और 21 विदेशी प्रतिभागी शामिल हैं। वहीं, महिलाओं में 8 प्रतिभागी हैं, जिनमें पांच भारतीय और 3 प्रतिभागी विदेशी हैं। प्रतियोगिता में भारतीय सेना से 10, नौसेना से एक, वायु सेना से एक तथा पैरामिलिट्री फोर्स से 5 प्रतिभागी भी भाग ले रहे हैं।
पैराग्लाइडिंग गतिविधियों को बढ़ाने पर हर संभव सहयोग करेगी सरकार
उन्होंने कहा कि पर्यटन विभाग ने बिलिंग में पैराग्लाइडिंग प्रतियोगिता के लिए 25 लाख रुपए दिए हैं और बीड़ में ऐरो स्पोर्ट्स हॉस्टल का निर्माण भी पर्यटन विभाग द्वारा लगभग 12 करोड़ से किया गया था ताकि इस क्षेत्र में पैराग्लाइडिंग गतिविधियों को बढ़ावा मिले। उन्होंने पैराग्लाइडिंग को बढ़ावा देने के लिये सरकार की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।
प्रदेश के पर्यटन बजट में 10 गुणा की वृद्धि
उन्होंने कहा कि प्रदेश में पहली बार पर्यटन विभाग के बजट में 10 गुणा वृद्धि कर वार्षिक बजट को 50 करोड़ से साढ़े 500 करोड़ किया गया है। उन्होंने कहा कि कांगड़ा को पर्यटन राजधानी के रूप में विकसित करने का निर्णय मुख्यमंत्री की दूरदर्शिता का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि पर्यटन सुविधाओं और गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिये प्रथम चरण में एडीबी के सहयोग से 1311 करोड़ व्यय किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इसमें वैलनेस सेंटर, पर्यटन के बड़े होटल का निर्माण, अंतरास्ट्रीय स्तर के फाउंटेन, म्यूजिकल फाउंटेन, वाटिकाओं का निर्माण होगा किया जायेगा। उन्होंने कहा कि 50 करोड़ से बनने वाले गोल्फ कोर्स के लिये स्थान का चयन कर लिया गया है। इसके अतिरिक्त साहसिक खेलों, वाटर स्पोर्ट्स इत्यादि को बढ़ावा देने के अलावा ज़िला के शक्तिपीठों के लिये देवी धाम सर्किट योजना में शामिल किया जायेगा।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में सरकार अंतिम व्यक्ति के उत्थान और उन्हें मुख्यधारा में शामिल करने की ध्येय से कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार हर वर्ग को ध्यान में रख योजनाओँ का निर्माण कर रही है ताकि सही रूप पात्र लोगों को योजनाओं का लाभ मिले। उन्होंने कहा कि युवाओं को उनकी क्षमता के अनुरूप आगे बढ़ाने, बुजुर्गों के अनुभव का उपयोग, महिलाओं को सुदृढ़ और आत्मनिर्भर करने की दिशा में सरकार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार ने बेसहारा बच्चों की संरक्षक बनने का पुनीत कार्य किया है।
