देहरा: वेदव्यास परिसर में राष्ट्रीय श्लोकरचना कार्यशाला का शुभारंभ
केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के वेदव्यास परिसर बलाहर में शुक्रवार को साहित्य विद्याशाखा एवं हिमाचल संस्कृत अकादमी के संयुक्त तत्वावधान में सात दिवसीय आवासीय राष्ट्रीय कार्यशाला का शुभारंभ हुआ। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता वेदव्यास परिसर के निदेशक प्रो. मदन मोहन पाठक ने की। इस कार्यक्रम में जयपुर से आए साहित्य के मर्मज्ञ विद्वान प्रो. राम कुमार शर्मा युवा प्रतिभागियों के केंद्रबिंदु रहे। उन्होंने बड़े ही सरल और मनमोहक शब्दों में श्लोक का महत्व सभी के सामने रखा।
इस अवसर पर हिमाचल संस्कृत अकादमी के सचिव डॉ. केशवानंद कौशल ने सभी गणमान्यों एवं प्रतिभागियों का स्वागत किया। इस अवसर पर सारस्वतातिथि के रूप में पंजाब विश्वविद्यालय के संस्कृत विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष प्रो. गणेश दत्त भारद्वाज भी उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में हिमाचल आदर्श संस्कृत महाविद्यालय जांगला से पधारे डॉ. हरिदत्त ग्वाड़ी ने वियोग से काव्य की उत्पति पर प्रकाश डाला।
कार्यशाला के संयोजक पंकज ने कहा कि यह कार्यशाला सात दिनों तक चलेगी। इसमें देश के विभिन्न कोनों से पधारे हुए लगभग 50 प्रतिभागी भाग ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह कार्यशाला प्रतिभागियों का सर्जनात्मक विकास करेगी। इस अवसर पर साहित्य विद्याशाखा के संयोजक डॉ. श्याम बाबू ने सभी गणमान्यों एवं प्रतिभागियों का धन्यवाद व्यक्त किया। सत्र का संचालन डॉ. शक्ति शरण शर्मा ने किया। इस अवसर पर सभी विभागों के विभागाध्यक्ष, समस्त अध्यापक एवं प्रतिभागी उपस्थित रहे।
