देहरा : राज्य बेरोजगार लाइब्रेरियन संघ ने सरकार पर साधा निशाना
राज्य बेरोजगार लाइब्रेरियन संघ हिमाचल प्रदेश के पदाधिकारियों ने हिमाचल सरकार पर निशाना साधा है। इन पदाधिकारियों का कहना है कि पिछले बीस वर्षों से शिक्षा विभाग ने उनके लिए किसी भी भर्ती का आयोजन नहीं करवाया है। संघ ने यह भी सवाल किया है कि जब शिक्षा विभाग द्वारा लाइब्रेरियन का नाम बदला गया तो उस समय आर एंड पी रूल्स क्यो नहीं बनाए गए। संघ का कहना है कि सरकार ने 25 हजार बेरोजगार लाइब्रेरियनो का भविष्य अंधकार में धकेल दिया है । इनका कहना है कि जहाँ खुद शिक्षा विभाग के कर्मचारी 1 लाख तक वेतन ले रहे हैं वहीं बेरोज़गारों के साथ अन्याय किया जा रहा है। संघ ने कहा कि क्या आर एंड पी नियम बनाने में 5 साल लगते हैं। 2019 में लाइब्रेरियन को पदो को डाइंग केडर में डाला गया। सरकार को पद सृजत करने चाहिए थे मगर इनको खत्म किया जा रहा है। उन्होंने कहा की लाइब्रेरी के लिए काफी बजट सेंटर से आता है। यदि स्कूलों में लाइब्रेरियन दी नहीं है तो वह बजट जाता कहां है। संघ ने सरकार से आग्रह किया है कि इन पदों की नोटिफिकेशन जल्द की जाए।
