उपमंडल ज्वालामुखी के जनसूचना अधिकारी को पांच हजार जुर्माना
विनायक ठाकुर । ज्वालामुखी
राज्य सूचना आयोग ने सूचना के अधिकार में सूचना देने में देरी करने पर कड़ा रुख अपनाया है। आयोग के आयुक्त आरडी धीमान ने ज्वालामुखी उपमंडल के जनसूचना अधिकारी पर 5,000 रुपए का जुर्माना लगाया है। मदन लाल की अपील को स्वीकार करते हुए आयोग ने यह आदेश पारित किए। आयोग ने पाया कि जनसूचना अधिकारी ने अपीलकर्ता को वांछित सूचना 100 दिनों के बाद दी है। अपीलकर्ता ने 16 अप्रैल, 2021 को सूचना के अधिकार में आवेदन किया था। जनसूचना अधिकारी ने न तो सूचना तैयार की और न ही उसे अपीलकर्ता को दिया।
समय पर सूचना न देने पर जन सूचना अधिकारी के खिलाफ अपील दायर की गई। अपील का निपटारा करने वाले आदेशों के बाद जन सूचना अधिकारी ने 31 अगस्त, 2021 को सूचना आयोग ने पाया कि जनसूचना अधिकारी ने आवेदन को उपमंडलाधिकारी के रीडर रामेश्वर दत्त को दिया था। रीडर ने जानबूझ कर अपीलकर्ता को सूचना नहीं दी है। आयोग ने रीडर को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। रीडर से उचित और संतोषजनक जवाब न मिलने पर आयोग ने सूचना के अधिकार की धारा 20 के तहत उसे जुर्माना लगाया गया है।
