हिमाचल: नेरोगेज लाइन पर चक्की रेलवे पुल तैयार, 70 करोड़ की लागत से बना
जोगिंदरनगर नेरोगेज रेल लाइन के लिए आज का दिन ऐतिहासिक साबित हुआ। लगभग तीन वर्षों के लंबे इंतजार के बाद चक्की रेलवे का नवनिर्मित पुल पूरी तरह तैयार हो गया है। करीब 70 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित इस आधुनिक और सुदृढ़ पुल का यातायात नियंत्रण कमिश्नर रेलवे सेफ्टी (सीआरएस), नॉर्दर्न सर्कल दिनेश देसवाल ने रेल डिवीजन जम्मू के डिवीजनल मैनेजर विबेक सहित तकनीकी टीम के साथ गहन निरीक्षण किया और इसे संचालन के लिए हरी झंडी दे दी।
निरीक्षण के दौरान सीआरएस दिनेश देसवाल ने पुल की संरचनात्मक मजबूती, ट्रैक फिटिंग, लोड क्षमता, सुरक्षा उपकरणों और अन्य सभी तकनीकी मानकों की बारीकी से जांच की। उन्होंने निर्माण कार्य को उच्च गुणवत्ता वाला बताते हुए रेलवे इंजीनियरों की सराहना की। उन्होंने कहा कि चक्की रेल ब्रिज पूरी मजबूती से बनाया गया है तथा शेष औपचारिकताएं पूरी होते ही इस रूट पर रेल संचालन शुरू कर दिया जाएगा। गौरतलब है कि वर्ष 2022 में आई भारी बारिश और चक्की खड्ड में आए तेज बहाव ने पुराने रेलवे पुल को क्षतिग्रस्त कर बहा दिया था, जिससे पंजाब के पठानकोट से कांगड़ा घाटी तक का रेल संपर्क पूरी तरह टूट गया था। लगभग तीन वर्षों तक नेरोगेज रेल सेवा बंद रहने से हजारों यात्रियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। इसके साथ ही स्थानीय व्यापार और पर्यटन उद्योग को भी बड़ा झटका लगा।
सीआरएस की मंजूरी के बाद अब पठानकोट–कांगड़ा–बैजनाथ नेरोगेज रेल लाइन पर ट्रेनों के संचालन की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होते ही रेल सेवा बहाल कर दी जाएगी। लंबे इंतजार के बाद क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि कांगड़ा घाटी में फिर से रेल की सीटी गूंजेगी, जिससे आवागमन सुगम होगा और पर्यटन, रोजगार व स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी।
