ऐतिहासिक शिव मंदिर सुधार सभा काठगढ़ द्वारा किया गया शिव महापुराण कथा का आयोजनन
प्राचीन एवं ऐतिहासिक शिव मंदिर सुधार सभा काठगढ़,इंदौरा, द्वारा अयोजित धार्मिक अनुष्ठानों में चल रही शिव महापुराण कथा के पंचम दिवस में आज जोगिंदर शास्त्री महाराज (जम्मू वाले) ने प्रवचन देते हुए कहा कि माता पार्वती जी प्रकटया तथा भगवान शिवशंकर जी को पति के रूप में पाने के लिए तपस्या का वर्णन किया गया और इसके साथ उन्होंने त्रिकाल संध्या प्रात काल, मध्यकाल तथा सांय काल के महत्व के बारे में कहा की सनातन धर्म में श्री शालिग राम की पूजा व भगवान शंकर की पिंडी की पूजा सर्वश्रेष्ठ है अर्थात शंभु पिंडी की महिमा बहुत है जिसका जितना वर्णन किया जाए उतना कम है इसके साथ उन्होंने कहा कि, जिन भक्ति हरध्या, नही आनी, जीवन मृत समान तेहू पानी ,अर्थात जिसके जीवन में भगवान की भक्ति नही है वह जीवित भी मृत के समान है।
भारी संख्या में श्रद्धालु भक्तों ने स्वयं भू प्रकट अदशिवलिंग के दर्शन किए लंगर प्रसाद का भी आनंद लिय। इसके साथ आज सुरेश महाजन मुख्य अभियंता,धर्मशाला, जलशक्ति विभाग परिवार सहित, व रविंद्र कुमार अधिशासी अभियंता मंडल इंदौरातथा वृंदावा लैक्समांसिंग गोहिल कमिश्नर ऑफ कस्टमर, पंजाब, हरियाणा व हिमाचल ने भी पूजाअर्चना की तत्पश्चात इन विशेष अतिथियों को सभा के प्रधान ओम प्रकाश कटोच उपप्रधान अजीत सिंह,युद्धवीर सिंह महासचिव सुभाष शर्मा जोगिंदर भारद्वाज, प्रेस सचिव सुरिंदर शर्मा, संगठन मंत्री प्रेम सिंह, रमेश पठानिया, प्रचार मंत्री पवन शर्मा सलाहकार कृष्ण मन्हास ने स्मृति चिन्ह व सिरोपा देकर सम्मानित किया
