देहरा : केंद्रीय संस्कृत विवि के वेदव्यास परिसर में संविधान दिवस पर कार्यक्रम आयोजित
विनायक ठाकुर । देहरा
केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय वेदव्यास परिसर के सभागार में भारतीय संविधान दिवस के अवसर पर परिषद की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई एनएसएस एवं अधिवक्ता हिमाचल प्रदेश की इकाई के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित समारोह में चिंतन का विषय 'राष्ट्र में संविधान का अवदान' निर्धारित था। इस विषय पर विचार व्यक्त करते हुए उपभोक्ता आयोग के चेयरमैन जिला कांगड़ा हिमांशु मिश्रा ने प्राचीन एवं नवीन को संविधान का बल बताया। हमें मौलिक कर्तव्यों और अधिकारों का भी बहुत करवाया गया। विशिष्ट व्याख्यान में अभिषेक पाधा अधिवक्ता ज्वालाजी से उपस्थित होकर संविधान को धर्म का मूल बताते हुए उसके वास्तविक रूप से परिचित करवाया।
कार्यक्रम का आयोजन डॉ. मुकेश शर्मा एवं डॉ मनोज्ञा ने किया। सभी अतिथियों के प्रति स्वागत डॉ मुकेश शर्मा ने व धन्यवाद डॉ मनीष सरोच ने ज्ञापित किया। अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में परिसर निदेशक प्रो. मदन मोहन पाठक ने कहा कि हमारा संविधान विश्व में एकमात्र विधान इस कारण से है। क्योंकि वह धर्म से पूर्ण रूप से रक्षित है और जब तक हमें वास्तविक धर्म का ज्ञान रहेगा संविधान विविध चलता रहेगा। कार्यक्रम में डॉ. हरिओम एवं विभिन्न विभागों के आचार्य गणों के साथ अधिवक्ता संघ देहरा के सम्मानित अधिवक्ता गण उपस्थित रहे।
