लंदन विवि के शोध दार्शनिक डॉ. रिचर्ड ने विस अध्यक्ष कुलदीप पठानिया से की भेंट
स्कूल ऑफ ओरिंटल एंव अफ्रिका अध्ययन युनिवर्सिटी ऑफ लंदन के शोध दार्शनिक डॉ. रिचर्ड ऐक्सलबी ने आज दिनांक 13 जुलाइ को पूर्वाहन 11.30 बजे हिमाचल प्रदेश विधान सभा के माननीय अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया से उनके कार्यालय कक्ष में मुलाकात की। गौरतलब है कि डॉ. रिचर्ड ऐक्सलबी विभिन्न देशों की संसदीय एवमं लोकतात्रिक प्रणाली का तुलनात्मक अध्ययन कर रहे है। डॉ. रिचर्ड ब्रिटेन, ब्राजील, संयुक्त राज्य अमेरिका, युथोपिया, फिजी तथा भारत की संसदीय तथा लोकतांत्रिक प्रणाली का एक शोध के जरिये तुलनात्मक अध्ययन कर रहे है। इसी विषय को लेकर उन्होंने आज एचपी विधान सभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया से मुलाकात कर भारत की संसदीय तथा लोकतांत्रिक प्रणाली पर जानकारी हासिल की। इस अवसर पर डॉ. रिचर्ड ऐक्सलबी ने पठानिया से हिप्र विधान सभा की कार्यप्रणाली, आन्तरिक क्रिया कलापों तथा सत्र संचालन संबन्धि जानकारी हासिल की। इस अवसर पर पठानिया ने कहा की हिप्र देश की सर्व प्रथम ई विधानसभा है, जिसका शुभारंभ 4 अगस्त 2014 को हुआ था। उन्होने कहा कि आज देश के सभी राज्य हिप्र विधान सभा मॉडल का अनुसरण कर रहे है । पठानिया ने कहा कि जिस तरह आज के युवा विधानसभा की कार्यवाही देखने विधानसभा पहुंच रहे है, उससे हमारे लोकतंत्र का भविष्य मजबूत नजर आ रहा है।
डॉ. रिचर्ड ऐक्सलबी ने चर्चा करते हुए कहा कि भारत का लोकतंत्र इंग्लैड के लोकतंत्र की तुलना में ज्यादा मजबूत है। उन्होंने कहा कि ब्रिटेन के युवा और लोग राजनिति की ओर कम आकर्षित हो रहे है तथा मतदान में भी ज्यादा दिलचस्पी नहीं रखते हैं जबकि भारत के युवा राजनिति की ओर ज्यादा आकर्षित हो रहे है तथा मतदान भी यहां ब्रिटेन के मुकाबले बहुत ज्यादा होता है जो कि लोकतन्त्र की मजबूती का आधार है। बैठक उपरांत डॉ. रिचर्ड ऐक्सलबी ने विधान सभा में सदन का अवलोकन किया तथा ई विधान प्रणाली व इसके रख रखाव व अन्य प्रबंधन के लिए विधानसभा अध्यक्ष को बधाई दी।
