शिमला : कांग्रेस पार्टी से अनुसूचित जाति का मोह भंग-कश्यप
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हिमाचल में 17 अनुसूचित जाति की सीटों में से 13 भारतीय जनता पार्टी की झोली में
157 में थामा भारतीय जनता पार्टी का दामन
फर्स्ट वर्डिक्ट। शिमला
भाजपा सुरेश कश्यप ने जिला स्तरीय अनुसूचित जाति सम्मेलन में मण्डी सदर में भाग लिया जिसमें भाजपा अनुसूचित मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष नितेन कुमार उनके साथ उपस्थित रहे। उन्होंने जनसभा को संबोधित कर कश्यप ने कहा की प्रो. प्रेम कुमार धूमल की सरकार ने ही अनुसूचित जाति का बजट बढ़ाया था। वहीं, जयराम ठाकुर सरकार ने पूरे प्रदेश में 12000 से ज्यादा लोगों को वन टाइम सेटलमेंट का लाभ दिया गया। हिमाचल प्रदेश के प्रत्येक जिले में अंबेडकर के नाम पर लाइब्रेरी का निर्माण किया गया।दलित वर्ग के कल्याण के लिए भाजपा ने अनेक नीतियों का निर्माण किया, जहां एक ओर भाजपा हर वर्ग के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। वहीं, कांग्रेस ने कभी अनुसूचित जाति का सामाजिक और आर्थिक उत्थान नहीं चाहा। उन्होंने अनुसूचित जाति वर्ग को सत्ता हासिल करने के लिया केवल एक वोट बैंक समझा। उन्होंने कहा आज अनुसूचित जाती वर्ग अपने कल्याण के लिए केवल भाजपा की ओर ही देख रहा है।
आने वाले चुनावों में भी भाजपा को पहले से ज्यादा समर्थन मिलेगा और इस बार हिमाचल में सरकार नहीं रिवाज़ बदला जाएगा।समाज में जातिगत भेदभाव न हो तथा अंतरजातीय विवाह को प्रोत्साहन मिले इसके लिए अंतर्जातीय विवाह पर सरकार द्वारा 50 हजार रुपए दिए जा रहे हैं। वर्ष 2020.21 के दौरान 48 जोड़ों को इस योजना की राशि से लाभान्वित किया गया है। अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम (पीओए) 1989 के अंतर्गत अत्याचार पीड़ितों को मुआवजा के तहत 85,000 से 8.25 लाख की सहायता प्रदान की जाती है। वर्ष 2021.22 के दौरान 199 पीड़ितों को मुआवजा प्रदान करने के लिए 2.11 करोड़ खर्च किए गए। जिससे अनुसूचित जाति वर्ग पर हो रहे अत्याचार को रोका जा रहा है। भाजपा ने अनुसूचित जाति वर्ग के समावेशी विकास के लिए शिक्षा, उद्यम तथा रोजगार के अवसर, मूलभूत सुविधाएं आदि प्रदान करने के लिए सदा ही प्रयासरत है। भाजपा के यह सभी प्रयास भाजपा के मूल मंत्र सबका साथ सबका विकास, जन-जन को सरकार पर विश्वास, पर भाजपा की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
