शिमला : सीटू राज्य कमेटी की बैठक का हुआ आयोजन
हिमाचल प्रदेश मिड डे मील वर्कर्स यूनियन सम्बंधित सीटू राज्य कमेटी की बैठक किसान-मजदूर भवन चिटकारा पार्क कैथू शिमला में सम्पन्न हुई। बैठक में सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा, उपाध्यक्ष जगत राम, रमाकांत मिश्रा, अजय दुलटा, कुलदीप डोगरा, राजेश ठाकुर,बालक राम, आशीष, यूनियन के कार्यकारी अध्यक्ष महेंद्र सिंह, महासचिव हिमी देवी,पुष्पा देवी,होशयारा राम,हेतराम,श्याम दत्त,मदन लाल, राधा, पवन, विनीत, ओमप्रकाश, हरीश, उदधुराम,वीर सिंह आदि मौजूद रहे।
बैठक को सम्बोधित करते हुए विजेंद्र मेहरा, जगत राम, महेंद्र सिंह व हिमी देवी ने कहा कि देश की मोदी सरकार मजदूर वर्ग पर तीखे हमले जारी रखे हुए है। मजदूरों के श्रम कानूनों को खत्म किया जा रहा है। देश की सरकार की नवउदारवादी नीतियों के चलते देश की जनता का जीवन संकट में चले गया है। महँगाई लगातार बढ़ रही है जिससे आम जनता का जीवन यापन करना मुश्किल हो गया है। बेरोजगारी ने पिछले 45 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार मिड डे मील योजना का नाम बदलकर प्रधानमंत्री पोषण योजना करके इसे खत्म करना चाहती है।
उन्होंने सरकार से मांग की है कि मिड डे मिल वर्कर का न्यूनतम वेतन 9000 रुपये किया जाए। मिड डे मील मजदूरों को हिमाचल हाई कोर्ट के 31 अक्टूबर 2019 के निर्णय अनुसार दस महीने के बजाए बारह महीने का वेतन दिया जाए। चार महीने का बकाया वेतन का तुरंत दिया जाए। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 रद्द की जाए। स्कूल मर्ज होने या बंद होने की स्थिति में मिड डे मील वर्करों को प्राथमिकता के आधार पर अन्य सरकारी स्कूलों में समायोजित किया जाए।
