केंद्रीय विद्यालय नलेटी की यशिका ने प्रार्थना सभा में साझा किये इसरो के युवा वैज्ञानिक ट्रेनिंग कार्यक्रम के अनुभव
केंद्रीय विद्यालय नलेटी की छात्रा यशिका का इसरो के युविका कार्यक्रम में चयन हुआ था। उस कार्यक्रम के तहत 14 मई से 26 मई तक ट्रेनिंग कार्यशाला का आयोजन किया गया था, जिसमें चंद्रयान, मंगलयान, अंतरिक्ष भौतिकी, बेसिक स्काई ऑब्जर्वेशन, फिजिक्स बिहाइंड रॉकेट, तारा व तारामंडल संरचना आदि विषयों पर गहन चर्चा के साथ प्रयोगात्मक जानकारी दी गई। अतिरिक्त अन्य पाठ्यसहगामी गतिविधियों जैसे भारत के विभिन्न प्रांतों के नृत्य, गीत- संगीत, कला आदि के भी सेशन आयोजित हुए।
इस कार्यक्रम के तहत यशिका के 25 लेक्चर सेशन हुए। इस कार्यक्रम में देश भर के 350 बच्चों ने भाग लिया था। यशिका ने प्रार्थना सभा में भारतीय सुदूर संवेदन संस्थान, इसरो, देहरादून में बिताए गए दिनों और प्राप्त अनुभव को साझा किया। यशिका ने कहा कि यह कार्यशाला मेरे लिए अविस्मरणीय रहेगी। साथ ही बताया कि मैं भी भविष्य में इसरो की वैज्ञानिक बनना चाहती हूं। विद्यालय प्राचार्य ने अपने अपने संबोधन में कहा कि ये केन्द्रीय विद्यालय के लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि विद्यालय की छात्रा यशिका ने केन्द्रीय विद्यालय नलेटी का मान बढ़ाया है। सभी बच्चे इससे सीख ले और भविष्य में आयोजित होने वाली प्रत्येक प्रतियोगिता में अवश्य भाग लें।
