मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा है कि न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता के हिसाब से सरकार करुणामूलक नौकरियां देगी। मंगलवार को विधानसभा सदन में प्रश्नकाल के दौरान विधायक केएल ठाकुर के सवाल का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व सरकार ने इस मामले पर कुछ काम नहीं किया। प्रदेश सरकार ने इस मामले पर विचार करने के लिए कमेटी बनाई है। कमेटी के साथ दो बार चर्चा हो चुकी है। जल्द कार्य योजना सामने लाई जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व सरकार ने करुणामूलक आधार की नौकरियों के सरकारी विभागों में 1,766 और निगमों-बोर्डों में 734 आवेदन रिजेक्ट किए। सिर्फ 25 फीसदी को ही नौकरियां दीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि बीते तीन साल में करुणामूलक नौकरियों के लिए सरकारी विभागों में 4,099 और निगम-बोर्डों में 2,971 आवेदन आए। इस मामले पर गंभीरता से सोचना होगा। उधर, मुख्यमंत्री के जवाब पर प्रतिक्रिया देते हुए पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि करुणामूलक आधार पर सबसे अधिक नौकरियां पूर्व सरकार ने दी हैं। भाजपा सरकार ने नौकरियां देने के लिए नियम बदले। पहले 50 वर्ष की आयु के बाद कर्मचारी की मृत्यु होने पर उनके परिजनों को नौकरी नहीं मिलती थी। हमारी सरकार ने प्रावधान किया कि अगर सेवानिवृत्ति से एक दिन पहले भी मृत्यु होती है तो करुणामूलक नौकरी दी जाएगी। जयराम ने कहा कि आयु की शर्त में भी भाजपा सरकार ने छूट दी। विधायक केएल ठाकुर ने पूछा था कि करुणामूलक आधार की नौकरियां कब तक दी जाएंगी।
शूलिनी विश्वविद्यालय, जो स्वच्छता और स्थिरता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता के लिए जाना जाता है, ने स्वच्छता पखवाड़ा के 8वें संस्करण की मेजबानी करते हुए नागरिक जिम्मेदारी का एक प्रदर्शन किया। पर्यटन मंत्रालय (एमओटी) के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य देश भर में पर्यटन स्थलों पर प्राचीन वातावरण बनाए रखने के महत्व पर जोर देते हुए स्वच्छता के बारे में जागरूकता बढ़ाना था। संबंधित संकायों के मार्गदर्शन में, प्रत्येक विभाग ने एक सफाई अभियान चलाया जो विश्वविद्यालय के पास पुल से लेकर छात्र छात्रावासों और परिसर के हर कोने तक फैला हुआ था। भाग लेने वाले संकायों में विज्ञान, कानूनी विज्ञान, उदार कला और प्राचीन भारतीय ज्ञान, विज्ञान और बायोटेक और बायोइंजीनियरिंग, फार्मास्युटिकल विज्ञान, प्रबंधन विज्ञान और इंजीनियरिंग और प्रौद्योगिकी शामिल थे। इस अवसर पर आयोजित एक अन्य कार्यक्रम पोस्टर-मेकिंग प्रतियोगिता भी आयोजित की गयी, जिसमें विभिन्न विभागों के लगभग 70 छात्रों ने पोस्टर-मेकिंग प्रतियोगिता में भाग लिया। उनकी कलात्मक अभिव्यक्तियां स्वच्छता और मेरी शूलिनी स्वच्छ शूलिनी के विषयों के इर्द-गिर्द थी । इस प्रतियोगिता ने न केवल छात्रों की कलात्मक प्रतिभा को प्रदर्शित किया बल्कि स्वच्छता को बढ़ावा देने के प्रति उनके समर्पण को भी प्रदर्शित किया। डीन स्टूडेंट वेलफेयर श्रीमती पूनम नंदा ने कहा कि सफाई अभियान का हिस्सा बनने के बाद आप कभी भी गंदगी फैलाने वालों के पक्ष में नहीं हो सकते। उन्होंने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि शूलिनी विश्वविद्यालय की स्वच्छता के प्रति प्रतिबद्धता पूरे परिसर में सुविधाजनक रूप से स्थित कूड़ेदानों की उपस्थिति से स्पष्ट है, जो देश के सबसे स्वच्छ परिसरों में से एक के रूप में संस्थान की प्रतिष्ठा में योगदान देता है। इस स्वच्छता पखवाड़ा की सबसे उल्लेखनीय उपलब्धियों में से एक 1000 से अधिक छात्रों की भागीदारी थी, जिन्होंने सामूहिक रूप से 30 कचरा बैग एकत्र किए, जो उनके परिसर को साफ रखने के उनके दृढ़ संकल्प का प्रतीक था। पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए, तस्वीरें ली गईं और समय और स्थान संदर्भों के लिए जियोटैग किया गया। इस अभियान का प्राथमिक उद्देश्य जन भागीदारी की भावना पैदा करना और स्वच्छता के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाना था। इसके अलावा पोस्टर-मेकिंग प्रतियोगिता में शीर्ष स्कोरिंग टीमों को ट्रॉफी और वाउचर प्रदान किए गए।
कृषि विज्ञान केंद्र सोलन द्वारा सात दिवसीय मौनपालन पर प्रशिक्षण शिविर लगाया गया। इस शिविर में सोलन जिला की 25 प्रतिभागियों, जिसमें 24 महिलाएं शामिल थीं, ने भाग लिया। यह प्रशिक्षण शिविर राष्ट्रीय मधुमक्खी बोर्ड के सहयोग से आयोजित किया गया। कृषि विज्ञान केंद्र सोलन के प्रभारी डॉ जितेंद्र चौहान ने जानकारी देते हुए बताया कि इस शिविर में किसानों एवं प्रतिभागियों को मधुमक्खी पालन से संबंधित मूलभूत जानकारियां तथा इसके फायदों के विषय में संपूर्ण जानकारी दी गई। इस कार्यक्रम का समन्वयक केंद्र के वैज्ञानिक डॉ अनुराग शर्मा रहे। मौनपालन में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों, रानी मक्खी व अन्य मधुमक्खियों के विभिन्न कार्यों और उसकी शारीरिक बनावट, मधुमक्खी पालन में मिलने वाले विभिन्न उत्पाद, मधुमक्खियों का मौसम के हिसाब से प्रबंधन, इसमें लगने वाले कीट व बीमारियों के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। प्रशिक्षण शिविर में प्रतिभागियों को विश्वविद्यालय के कीट विज्ञान विभाग में एक दिन का शैक्षणिक भ्रमण भी करवाया गया जिसमें प्रतिभागियों ने मौन गृह में जाकर मधुमक्खियों के साथ प्रशिक्षण लिया। इसके अतिरिक्त प्रतिभागियों को सायरी में शहद प्रसंस्करण इकाई तथा मधुमक्खियों के साथ भी प्रशिक्षण दिया। इस प्रशिक्षण शिविर में डॉ हरीश शर्मा द्वारा देसी मधुमक्खी के संरक्षण तथा मौसम के अनुरूप मधुमक्खियां को पालने की विषय में तथा डॉ राजकुमार ठाकुर द्वारा रानी मक्खी से संबंधित संपूर्ण जानकारी प्रतिभागियों को प्रदान की गई। इस शिविर में डॉ अजय शर्मा तथा डॉ तनूजा बांश्टू द्वारा भी कीटनाशकों के सही इस्तेमाल के बारे में जानकारी प्रदान की गई। उद्यान विभाग से अधिकारी द्वारा विभाग की विभिन्न योजनाओं के बारे में अवगत करवाया गया। शिविर के समापन पर प्रतिभागियों को मधुमक्खी पालन में उपयोग होने वाले विभिन्न उपकरण, इससे संबंधित प्रकाशन तथा प्रमाण पत्र वितरित किए गए।
-हिंदी कवि सम्मेलन का किया गया आयोजन उदार कला और प्राचीन भारतीय ज्ञान संकाय, शूलिनी विश्वविद्यालय द्वारा हिंदी दिवस के उपलक्ष्य में हिंदी कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। हिंदी दिवस भारत में प्रत्येक वर्ष 14 सितंबर को मनाया जाता है। 14 सितंबर 1949 को संविधान सभा ने यह निर्णय लिया कि हिंदी केंद्र सरकार की आधिकारिक भाषा होगी। हिंदी दिवस कार्यक्रम में सहायक प्रोफेसर हिंदी डॉ. प्रकाश चंद, कविता और पलक, डॉ. सिद्धार्थ, डॉ. एकता सिंह, डॉ. दिवाकर शर्मा, प्रोफेसर नासर, चेन, इंदु, इवान और सिद्धार्थ और प्रोफेसर तेजनाथ धर ने भाग लिया। जिसमे हिंदी साहित्य के महत्व और युवा प्रतिभाओं में इसकी जागरूकता और भूमिका पर जोर दिया गया इस कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के संकाय, गैर-शिक्षण कर्मचारियों और छात्रों की भागीदारी देखी गई। कवियों में मंजू शर्मा, सलोनी, स्वर्णिम सुप्रकाश, प्रियंका ठाकुर, मानसी प्रियदर्शी, सीमा बिष्ट, पीहू जादौन, सलोनी वर्मा, न्यासा तिरिया, श्रेया, हर्षित राज, मानस (मृदुल) पाठक, जानवी, हेमंत कुमार शर्मा (सहायक प्रोफेसर अंग्रेजी) शामिल हैं। , कलश धांता, अदिति, कविता, कमल गौतम, डॉ. एकता सिंह (इतिहास की सहायक प्रोफेसर), डॉ. नमिता गंडोत्रा, डॉ. डीडी शर्मा, आदित्य रोहिला, कौस्तुभी शास्त्री और पूजा कुमारी ने अपनी कविताओं से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। अपने समापन भाषण में चित्रकोट स्कूल ऑफ लिबरल आर्ट्स एंड एंशिएंट इंडियन विजडम की प्रमुख डॉ. पूर्णिमा बाली ने हिंदी भाषा के महत्व पर प्रकाश डाला। सभी प्रतिभागियों को भागीदारी प्रमाण पत्र और स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए।
युवा वैज्ञानिक पंकज अत्रि की एक और बड़ी उपलब्धि **अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर फिर चमकाया प्रदेश का नाम, Young Resercher Award के लिए चयनित **नैना टिककर से संबंध रखते है पंकज ** कई अंतरराष्ट्रीय शोध पत्र हो चुके है प्रकाशित ** हिमाचल के छोटे से गांव से निकलकर वैश्विक पटल पर बनाई पहचान
-कहा, बिगड़ती कानून-व्यवस्था को लेकर 25 को विधानसभा का घेराव करेगी भाजपा -विधानसभा में विपक्ष की आवाज को दबाने का हो रहा प्रयास भारतीय जनता पार्टी प्रदेश प्रवक्ता विवेक शर्मा ने कहा कि हिमाचल प्रदेश की बिगड़ती कानून-व्यवस्था को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने तय किया है कि वह 25 तारीख को विधानसभा का घेराव करेगी। आपदा को मुद्दा बनाकर जनहितैषी मुद्दों से ध्यान भटका कर सरकार क्या साबित करना चाहती है, यह स्वयं अपने आप में एक बड़ा प्रश्न है। जब विधानसभा सत्र में नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर द्वारा नियमों के तहत आपदा पर चर्चा का मामला रखा तो उसे नजरअंदाज कर कांग्रेस का महिमामंडप का प्रस्ताव ले लिया गया। यह जनता से धोखा है व विपक्ष की आवाज को दबाने का प्रयास है। कांग्रेस चुनावी गारंटियों पर उत्तर देने में असमर्थ हो रही थी। अब तो हालत यह है कि कांग्रेस अपनी गारंटियों से भी मुंह मोड़ रही है। अभी तक तो औद्योगिक इकाइयों की बिजली बढ़ोतरी का मुद्दा चर्चा में था, लेकिन अब तो घरेलू उपभोक्ताओं को सब्सिडी भी केवल एक ही कनेक्शन पर मिलेगी। अंतर्कलह से घिरी कांग्रेस सरकार यह तय नहीं कर पा रही है कि वह स्वयं आपदा में है या आपदा पीड़ितों को राहत देनी है। केवल जनता को भ्रमित करके सुर्खियां बटोरना चाहती है।
-दामों में बढ़ोतरी होने से आम वर्ग पर पड़ेगा अतिरिक्त बोझ हिमाचल प्रदेश में तीनों बड़ी कंपनियों ने सीमेंट के दाम 10 रुपये प्रति बैग बढ़ा दिए हैं। सीमेंट के दामों में बढ़ोतरी होने से आम वर्ग पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। प्रदेश में अल्ट्राटेक, अंबुजा और एसीसी सीमेंट कंपनी ने दामों में बढ़ोतरी की है। वहीं सूत्रों के अनुसार आगामी कुछ दिनों में सीमेंट के दामों में पांच रुपये और बढ़ोतरी होने की संभावना है। एसीसी सीमेंट का दाम 430 रुपये से बढ़कर 440 रुपये हो गया है। जबकि एसीसी गोल्ड के दाम 470 से 480 रुपये हो गए हैं। अल्ट्राटेक सीमेंट के दामों में भी 10 रुपये बढ़ोतरी हुई है। अल्ट्राटेक सीमेंट के दाम 430 रुपये प्रति बैग से बढ़कर 440 रुपये प्रति बैग हो गए हैं। अंबुजा सीमेंट के दाम 430 रुपये प्रति बैग से बढ़ाकर 440 रुपये प्रति बैग किए गए हैं। प्रदेश में सभी सीमेंट कंपनियों की ओर से एक साथ दामों में बढ़ोतरी की है। बढ़े दाम बीती रात 12 बजे से लागू कर दिए गए हैं। सीमेंट के दामों में बढ़ोतरी होने से निर्माणाधीन मकानों के मालिकों का बजट बिगड़ गया है। एसीसी सीमेंट के विक्रेता किशन लाल एंड सन्स के मालिक पवन बरूर और सत्या प्रकाश एंड कंपनी के संचालक मनोज कुमार ने बताया कि सीमेंट के दामों में 10 रुपये प्रति बैग की बढ़ोतरी हुई है।
महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा अन्य विभागों के समन्वय से सितम्बर में ‘छठा राष्ट्रीय पोषण माह’ मनाया जा रहा है। इसका उद्देश्य जीवन-चक्र दृष्टिकोण के माध्यम से कुपोषण के बारे में आम लोगों को जागरूक करना तथा कुपोषण से निपटना है। यह जानकारी ज़िला कार्यक्रम अधिकारी सोलन राजेन्द्र सिंह नेगी ने दी। राजेन्द्र सिंह नेगी ने कहा कि ज़िला सोलन में पोषण माह-2023 के तहत ‘सुपोषित भारत, साक्षर भारत, सशक्त भारत’ (पोषण-समृद्ध भारत, शिक्षित भारत, सशक्त भारत) विषय पर आधारित गतिविधियां आयोजित की जा रही है। उन्होंने कहा कि पोषण माह के अंतर्गत स्तनपान और पूरक आहार के प्रमुख विषयों पर ध्यान केंद्रित करने वाले अभियानों के माध्यम से धरातल पर पोषण सम्बन्धी जागरूकता बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं। पोषण माह के तहत स्वस्थ बालक प्रतिस्पर्धा जिसमें पोषण भी-पढ़ाई भी, जनजातीय-केंद्रित पोषण संवेदीकरण, परीक्षण, उपचार, एनीमिया पर चर्चा इत्यादि गतिविधियां चलाई जा रही है। इसका उद्देश्य पोषण और समग्र कल्याण के लिए स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना पैदा करना है। राजेन्द्र सिंह नेगी ने कहा कि पोषण माह के अंतर्गत समग्र पोषण के बारे में जागरूक करने के लिए समुदाय के विभिन्न वर्गों को शामिल किया जा रहा है। इनमें गांव, खण्ड और ज़िला स्तर पर आउटरीच कार्यक्रम, पहचान अभियान, शिविर और घरेलू दौरे आयोजित किए जा रहे है। मिशन सक्षम, आंगनवाड़ी और पोषण 2.0 के माध्यम से पोषण के बारे में लोगों को जागरूक किया जा रहा है। ज़िला कार्यक्रम अधिकारी ने कहा कि सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, महिला एवं बाल विकास निदेशालय ने 30 सितम्बर, 2023 तक राज्य भर में ‘हिमाचल के भूले हुए व्यजनों के छुपे हुए खजाने की खोज अभियान’ कार्यक्रम आयोजित करने की पहल की है। उन्होंने कहा कि अभियान का उद्देश्य भूले-बिसरे व्यंजन जैसे लुगड़ी, इंदारे, सत्तू का फाका, लिंगडू का अचार, पचोल्टू, पटांडे और विभिन्न प्रकार की हर्बल चाय, सूप और चटनी आदि को बढ़ावा देना है। अभियान का लक्ष्य इन व्यंजनों को पुनर्जीवित करना, उनकी कहानियों को साझा करना और स्वास्थ्य के लिए उनके पोषण संबंधी लाभों को सभी के साथ उजागर करना है। उन्होंने आमजन से आग्रह किया कि इन दोनों अभियानों से जुड़े व प्रतियोगिता का हिस्सा बने। उन्होंने कहा कि निदेशालय की और से प्रस्तावित अभियान में पौष्टिक व्यंजन बनाने की वीडियो #Wcdhimachal का फेसबुक पर अपलोड कर 1000 रुपए नकद पुरस्कार प्राप्त कर सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए किसी भी कार्य दिवस में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता या ज़िला कार्यक्रम अधिकारी कार्यालय से सम्पर्क किया जा रहा है।
भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार ज़िला सोलन में आज लोकसभा निर्वाचन 2024 के लिए ई.वी.एम तथा वी.वी.पैट मशीनों की प्रथम स्तरीय जांच की गई। तहसील कार्यालय सोलन स्थित ई.वी.एम वेयरहाऊस को अतिरिक्त उपायुक्त सोलन एवं प्रथम स्तरीय जांच के नोडल अधिकारी अजय कुमार यादव तथा विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के समक्ष खोला गया। प्रथम स्तरीय जांच के उपरांत समस्त ई.वी.एम एवं वी.वी.पैट मशीनों को नगर निगम सोलन के सभागार में स्थानांतरित किया गया। इस अवसर पर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रतिनिधि शिव दत्त ठाकुर, संधीरा तथा कंचन राणा, भारतीय जनता पार्टी के प्रतिनिधि चन्द्रकांत, नन्द राम कश्यप तथा नेहा ठाकुर, आम आदमी पार्टी के प्रतिनिधि भरत ठाकुर, बहुजन समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधि राकेश बरार तथा राम रतन, उपमण्डलाधिकारी सोलन कविता ठाकुर, तहसीलदार सोलन मुलतान सिंह बनियाल उपस्थित थे।
स्वच्छ सर्वेक्षण (ग्रामीण) 2023 के अंतर्गत सोलन ज़िला की विकास खंड कुनिहार की हाटकोट पंचायत को डीसी सोलन द्वारा खण्ड स्तर पर पुरस्कृत किया गया। यह पुरस्कार पंचायत प्रधान जगदीश अत्री , उपप्रधान रोहित जोशी ने सोलन में आयोजित कार्यक्रम में डीसी सोलन मनमोहन शर्मा के हाथो प्राप्त किय। ग्राम पंचायत हाटकोट के प्रधान जगदीश अत्री ने बताया कि यह पुरकार हाटकोट की जनता की बदौलत मिला है, क्योंकि उनके सहयोग के बिना पंचायत कुछ भी नही कर सकती। उन्होंने बीडीओ कुनिहार,पंचायत पदाधिकारीयो , कर्मचारी वर्ग , सफाई व्यवस्था में अहम योगदान देने वाले सफाई कर्मचारियों का भी इस पुरस्कार मिलने पर धन्यवाद किया।
विधानसभा अर्की के धुन्धन से भारतीय जनता पार्टी के युवा कार्यकर्ता आसिफ चौधरी को भाजपा जिला सोलन के सोशल मीडिया विभाग का जिला संयोजक नियुक्त किया गया है। आसिफ चौधरी लंबे समय से भारतीय जनता पार्टी के विचारधारा से जुड़े हुए है और लगातार पार्टी के लिए समर्पित कार्यकर्ता के रूप मे कार्य करते आ रहे है। इससे पहले भी वह भारतीय जनता युवा मोर्चा के जिला सह संयोजक,अर्की मंडल में आई.टी और सोशल मिडिया के सह संयोजक और विद्यार्थी परिषद में विभिन्न दायित्वों की जिम्मेदारी को संभाल चुके है। आसिफ चौधरी ने जिला संयोजक नियुक्त किए जाने पर प्रदेश अध्यक्ष डॉ राजीव बिंदल , विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर , संगठन महामंत्री सिद्धार्थन, जिला अध्यक्ष रतन सिंह पाल, पुरषोत्तम गुलेरिया, सोशल मीडिया प्रदेश संयोजक सुशील राठौर , शिमला संसदीय क्षेत्र के सोशल मीडिया प्रभारी विक्रम बट्टू और अर्की मंडल के अध्यक्ष राकेश ठाकुर का धन्यवाद व आभार व्यक्त किया और कहा की शीर्ष नेतृत्व के दिशानिर्देशों के अनुसार कार्य कर आगे बढ़ेंगे।
बी एल सेंट्रल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुनिहार ने खंड सतरीय अंडर-19 खंड अर्की छात्र खेलकूद प्रतियोगिता में बैडमिंटन में विजेता ट्राफी का ख़िताब जीता | जानकारी देते हुए विद्यालय अध्यक्ष ने बताया की इस खंड सतरीय छात्र खेल-कूद प्रतियोगिता का आयोजन राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला धुन्दन में किया गया जिसमे लगभग 31 विद्यालय से 477 छात्रों ने इस खेल कूद प्रतियोगिता में भाग लिया I विद्यालय अध्यक्ष ने बताया की विद्यालय से 6 बच्चों हर्ष वर्धन, पुष्पेंदर , दक्ष गर्ग, मनन कुमार , ध्रुव तंवर , यश कुमार ने इस प्रतियोगिता में भाग लिया। जिसमे उन्होंने बैडमिंटन में मॉडल स्कूल भुमती को परास्त कर विजेता ट्राफी अपने नाम की और बताया की इन सभी बच्चो का चयन जिला सतरीय खेल कूद प्रतियोगिता के लिए हुआ है जो की सितम्बर माह में राजकीय माध्यमिक विद्यालय ममलीग में आयोजित की जाएगी I बी एल स्कूल लगातार कई सालों से बैडमिंटन ट्राफी का वर्चस्व कायम रखे हुए है I खेल कूद सपर्धा के समापन समारोह के उपरान्त सभी विजेताओं और उप-विजेताओं को अर्की के विधायक व् सीपीएस संजय अवस्थी द्वारा पारितोषिक देकर सम्मानित किया गया। विद्यालय प्रबंधन समिति अध्यक्ष तथा अध्यापक अभिभावक संघ के सभी सदस्यों ने भी बच्चों व उनके अभिभावकों के साथ साथ शारीरिक शिक्षक अमर देव को भी इस उपलब्धि के लिए बधाई दी है व उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है I इस खेल कूद स्पर्धा के दौरान अर्की जोन प्रभारी महेंदर राठोर व् शारीरिक शिक्षक किशोर शर्मा , राज कुमार , नवनीत महाजन , संजीव , हेमंत गुप्ता, सुशील कुमार आदि भी मौजूद रहे I विद्यालय प्रबंधन समिति अध्यक्ष ने बताया की बच्चे शिक्षा के क्षेत्र में ही नहीं बल्कि खेल कूद के क्षेत्र में भी विद्यालय और कुनिहार का नाम रोशन करते हैं I विद्यालय आने पर इन बच्चों को प्रधानाचार्य पुर्शोतम लाल , मुख्याध्यापिका सुषमा शर्मा और समस्त अध्यापक वर्ग ने सम्मानित किया और उनकी उपलब्धि के लिए उन्हें बधाई दी I
हिमाचल प्रदेश विद्युत बोर्ड से प्राप्त जानकारी के अनुसार 18, 19 व 20 सितम्बर, 2023 को आवश्यक रखरखाव के दृष्टिगत सोलन के सुबाथू क्षेत्र के कुछ इलाकों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। यह जानकारी आज यहां अतिरिक्त अधीक्षण अभियंता राहुल वर्मा ने दी। राहुल वर्मा ने कहा कि 18 सितम्बर, 2023 को प्रातः 09.00 बजे से सांय 06.00 बजे तक सुबाथू बाज़ार, अप्पर थड़ी, लोअर थड़ी, छपरोली, कश्मीरी मोहल्ला, रविदासपुरा, शांति निकेतन एवं आस-पास के क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने कहा कि 19 सितम्बर, 2023 को प्रातः 09.00 बजे से सांय 06.00 बजे तक नायानगर, भाली, कटहनी, आरला, चापला, झीन, न्यू फायरिंग रेंज एवं आस-पास के क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने कहा कि 20 सितम्बर, 2023 को प्रातः 09.00 बजे से सांय 06.00 बजे तक मोहरी, घड़सी कुकाना, कण्डा, आंजी छटेरा, चयाड़, खलयाण एवं आस-पास के क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने कहा कि मौसम खराब होने की स्थिति तथा अन्य कारणों से उपरोक्त तिथि एवं समय में बदलाव किया जा सकता है। उन्होंने उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील की है।
उप निदेशक शिक्षा प्रारम्भिक सोलन द्वारा 22 सितम्बर, 2023 को भूतपूर्व सैनिकों के आश्रितों के लिए प्रशिक्षित स्नातक अध्यापक नाॅन मेडिकल तथा मेडिकल विषय में उन उम्मीदवारों के लिए अनुबंध आधार पर पद भरे जाने के लिए काउंसलिंग आयोजित की जाएगी जिन्होंने सम्बन्धित विषय में अध्यापक पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण की है। यह जानकारी उप निदेशक प्रारम्भिक शिक्षा सोलन संजीव ठाकुर ने दी। संजीव ठाकुर ने कहा कि यह काउंसलिंग 22 सितम्बर, 2023 को उप निदेशक प्रारम्भिक शिक्षा के चम्बाघाट स्थित कार्यालय में प्रातः 10.30 बजे से आरम्भ होगी। उन्होंने कहा कि काउंसलिंग भूतपूर्व सैनिकों के आश्रितों के लिए टीजीटी नाॅन मेडिकल के कुल 19 पदों के लिए तथा टीजीटी मेडिकल के कुल 20 पदों के लिए आयोजित की जाएगी। उन्होंने कहा कि टीजीटी नाॅन मेडिकल के 19 पदों में 08 पद भूतपूर्व सैनिकों के आश्रितों में से अनारक्षित वर्ग के लिए, 04 पद भूतपूर्व सैनिकों के आश्रितों में से अन्य पिछड़ा वर्ग से सम्बन्धित उम्मीदवारों के लिए, 06 पद इसी श्रेणी के अनुसूचित जाति वर्ग के उम्मीदवारों के लिए तथा 01 पद भूतपूर्व सैनिकों के आश्रितों में से अनुसूचित जनजाति वर्ग से सम्बन्धित उम्मीदवारों के लिए है। संजीव ठाकुर ने कहा कि टीजीटी मेडिकल के कुल 20 पदों में से 13 पद भूतपूर्व सैनिकों के आश्रितों में से अनारक्षित वर्ग के लिए, 02 पद इसी श्रेणी के अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए, 04 पद इसी श्रेणी के अनुसूचित जाति वर्ग के लिए तथा 01 पद भूतपूर्व सैनिकों के आश्रितों में से अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए है। उप निदेशक ने कहा कि इन पदों के लिए टीजीटी नाॅन मेडिकल के अनारक्षित अभ्यार्थियों की बी.एड अगस्त 2003 उत्तीर्ण बैच तक, अन्य पिछड़ा वर्ग की बी.एड दिसम्बर, 2005 उत्तीर्ण बैच तक, अनुसूचित जाति वर्ग की बी.एड दिसम्बर, 2018 उत्तीर्ण बैच तक तथा अनुसूचित जनजाति वर्ग की बी.एड दिसम्बर, 2021 उत्तीर्ण बैच तक होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि टीजीटी मेडिकल के अनारक्षित अभ्यर्थियों की बी.एड दिसम्बर, 2007 उत्तीर्ण बैच तक, अन्य पिछड़ा वर्ग की बी.एड दिसम्बर, 2010 उत्तीर्ण बैच तक, अनुसूचित जाति वर्ग की बी.एड दिसम्बर, 2017 उत्तीर्ण बैच तक तथा अनुसूचित जनजाति वर्ग की बी.एड अद्यतन उत्तीर्ण बैच तक होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अभ्यार्थियों को काउंसलिंग के समय 10वीं, 12वीं, बी.एड प्रमाणपत्र, टीजीटी (टैट), अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग प्रमाणपत्र, हिमाचली प्रमाणपत्र, नवीनतम पासपोर्ट फोटोग्राफ, रोज़गार कार्यालय का पंजीकृत पत्र, चरित्र प्रमाणपत्र, सैनिक कल्याण के सम्बन्धित उप निदेशक द्वारा जारी भूतपूर्व सैनिक के वार्ड का प्रमाणपत्र, डिस्चार्ज बुक (आर्मी) की छायाप्रति लाना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि जिन अभ्यर्थियों को काउंसलिंग पत्र प्राप्त नहीं हुए है वह अपना नाम व बायोडाटा कार्यालय की वेबसाइटwww.ddeesolan.in से प्राप्त कर सकते हैं।
पेंशनर्ज एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन इकाई पट्टाबरावरी -हरिपुर की बैठक इकाई अध्यक्ष डीडी कश्यप की अध्यक्षता में आयोजित की गई। डीडी कश्यप ने पेंशनरो को सम्बोधित करते हुए कहा कि संगठन की जिला स्तरीय त्रैमासिक बैठक इसबार 23 सितंबर को कुठाड़ (कृष्णगढ़) में रखी गई है, जिसमे हमारी इकाई को भी बैठक में आमंत्रित किया गया है। डी.डी कश्यप ने सभी इकाई सदस्यों से आग्रह किया कि इस जिला स्तरीय बैठक में भाग लेना सुनिश्चित करें। बैठक में इकाई का स्थापना दिवस समारोह कार्यक्रम आयोजित करने बारे भी चर्चा व विचार विमर्श किया गया व निर्णय लिया गया कि इस बार यह समारोह 15 अक्टूबर को बड़ी धूमधाम से मनाया जाएगा। बैठक में पेंशनरो की लंबित विभिन्न मांगों एरियर,मैडिकल बिल,पे फिक्सेशन आदि पर भी गहन चर्चा व विचार विमर्श कर सरकार से पेंशनरो की सभी मांगें जल्द पूरा करने की सरकार से मांग की गई। इस बैठक में जगदेव गर्ग, नेकराम कौंडल,बिशन दास,ख्याली राम,नेकराम ठाकुर,प्रेम चन्द कश्यप,दुनीचंद ठाकुर बीरबल परिहार व गीता देवी आदि मौजूद रहे.
विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस के अवसर पर, क्लब अर्काडिया, शूलिनी क्रिएटिव स्टूडियो, डीन स्टूडेंट वेलफेयर (डीएसडब्ल्यू) और राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के सहयोग से मनोविज्ञान और व्यवहार विज्ञान विभाग शूलिनी यूनिवर्सिटी द्वारा आत्महत्या रोकथाम के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया इस कार्यक्रम में एक अंतर्विभागीय नारा लेखन प्रतियोगिता, एक आत्महत्या रोकथाम जागरूकता पदयात्रा और एक नुक्कड़ नाटक शामिल था। इस कार्यक्रम में भाग लेने वाले शूलिनी विश्वविद्यालय के संकाय सदस्य डॉ. आशू खोसला, डॉ. नंद लाल गुप्ता, डॉ. शालिनी सिंह, मिस संगीता कक्कड़, मिस आकांक्षा नेगी और डॉ. अनीता चौहान थे। दिन की शुरुआत अंतर्विभागीय नारा लेखन प्रतियोगिता से हुई, जहां विभिन्न विभागों के छात्रों ने एक साथ आकर शक्तिशाली नारों के माध्यम से आत्महत्या की रोकथाम के बारे में अपने विचार व्यक्त किए। प्रतियोगिता ने न केवल रचनात्मकता को प्रोत्साहित किया बल्कि एक ऐसे विषय पर संवाद को भी बढ़ावा दिया जो अक्सर चुप्पी से घिरा रहता है। स्लोगन प्रतियोगिता के विजेता आशुतोष राणा, कुमारी अनुपमा झा और कुमारी रिया सिंह क्रमश: प्रथम, द्वितीय और तृतीय रहे। स्लोगन प्रतियोगिता के बाद विश्वविद्यालय परिसर में एक प्रतीकात्मक आत्महत्या रोकथाम जागरूकता पदयात्रा का भी आयोजन किया गया। प्रतिभागियों ने रिबन पहने और आशा और समर्थन के संदेशों वाले बैनर पकड़े, परिसर में घूमे, पत्रक वितरित किए, आत्महत्या की रोकथाम के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए अपनी प्रतिबद्धता प्रदर्शित की। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण शूलिनी क्रिएटिव स्टूडियो के छात्रों द्वारा प्रस्तुत विचारोत्तेजक नुक्कड़ नाटक था। यह नाटक आत्मघाती विचारों का सामना करने वाले व्यक्तियों के भावनात्मक संघर्षों पर प्रकाश डालता है और मदद मांगने के महत्व पर जोर देता है। स्कूल ऑफ साइकोलॉजी एंड बिहेवियरल साइंसेज की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. अनीता चौहान ने कहा कि यह आयोजन एक अनुस्मारक के रूप में कार्य करता है कि आत्महत्या की रोकथाम में हम सभी की भूमिका है। साथ मिलकर, हम एक ऐसी दुनिया बना सकते हैं जहां लोगों को सुना, समझा और महसूस किया जाए। मनोविज्ञान विभाग के छात्र आतिश गौरव और रिया ने कहा, आज का कार्यक्रम न केवल जागरूकता बढ़ाने के बारे में था, बल्कि आशा का संदेश फैलाने के लिए भी था।
पुलिस थाना अर्की की टीम 14 सितंबर को गश्त पर थी तो शाम करीब 5.30 बजे गुप्त सूचना के आधार पर उक्त टीम द्वारा गलोग की तरफ से आ रही आल्टो 800 कार को चेकिंग के लिए रोका। गाड़ी चालक ने पूछने पर पुलिस टीम को अपना नाम बाबू राम निवासी बिलासपुर बताया। इस कार की तलाशी के दौरान सीट कवर में एक कैरी बैग के अंदर 4 पैकेट बरामद हुए। चेक करने पर इन चारों पैकेटों में अफीम बरामद हुई। तोलने पर इसका कुल वजन 2 किलो 485 ग्राम पाया गया। इस संदर्भ में थाना अर्की में अभियोग पंजीकृत करके उपरोक्त आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, जिसे आज अदालत में पेश किया जाएगा। आरोपी बाबूराम को पहले भी एनडीपीएस में आठ किलो से ज्यादा चरस की तस्करी के मामले में गिरफ्तार किया जा चुका है।
दयानंद आदर्श विद्यालय में विज्ञान प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें शहर के 11 विद्यालयों ने भाग लिया, जिसमें गुरुकुल इंटरनेशनल सीनियर सेकेंडरी स्कूल के हार्दिक श्रीवास्तव और वंश रातावाल ने जूनियर श्रेणी में भाग लिया और तृतीय पुरस्कार हासिल किया तथा सीनियर श्रेणी में कार्तिक पंडित और ऐलन चौहान ने द्वितीय पुरस्कार हासिल कर विद्यालय का नाम रोशन किया। विद्यालय की प्रधानाचार्या लखविंदर कौर अरोड़ा ने इस उपलब्धि पर प्रतिभागियों को शुभकामनाएं और शाबाशी दी।
मुख्यमंत्री ने किया एचपीएसईबीएल के एकीकृत बिजली उपभोक्ता पोर्टल का शुभारंभ मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज यहां अभियंता दिवस के अवसर पर शिमला में हिमाचल प्रदेश राज्य बिजली बोर्ड लिमिटेड (एचपीएसईबीएल) के एकीकृत बिजली उपभोक्ता पोर्टल का शुभारंभ किया। इस पोर्टल के माध्यम से उपभोक्ताओं को अब अपने बिजली बिलों का भुगतान करने के लिए लंबी कतारों में खड़ा नहीं होना पड़ेगा, बल्कि वे घर बैठे ही आसानी से बिलों का भुगतान कर सकेंगे। इसके अलावा लोग अब नए बिजली कनेक्शन के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं और इस पोर्टल के माध्यम से अपने आवेदन की प्रगति की भी निगरानी कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त पोर्टल पर एचपीएसईबीएल द्वारा दी जाने वाली नाम परिवर्तन और लोड समायोजन आदि विभिन्न सेवाएं भी उपलब्ध होंगी। इस डिजिटल पहल का उद्देश्य बिजली बोर्ड में कागज रहित कार्य संस्कृति की शुरुआत करना है, जिससे प्रशासनिक प्रक्रियाएं सुव्यवस्थित होंगी और सेवाओं में तेजी आएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पोर्टल ऊर्जा क्षेत्र में उपभोक्ता सुविधा बढ़ाने और डिजिटलीकरण को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कदम है जिससे उपभोक्ताओं को अधिक कुशल और सुलभ सेवाएं प्राप्त होंगी। इसके अलावा पोर्टल पर ऊर्जा उत्पादन डेटा उपलब्ध होगा और यह उपभोक्ताओं को कार्यालय में आए बिना आईपीपी द्वारा ऑनलाइन चालान जमा करने की सुविधा प्रदान करेगा। उन्होंने राज्य के बुनियादी ढांचे के विकास में अभियंताओं के अमूल्य योगदान की सराहना करते हुए कहा कि हाल ही में भारी वर्षा के कारण आई आपदा ने राज्य के बुनियादी ढांचे को बुरी तरह से प्रभावित किया है। उन्होंने कहा कि इसके वाबजूद प्रदेश के विभिन्न विभागों के इंजीनियरों के समर्पित प्रयासों से सरकार ने 48 घंटे की अल्पावधि में आवश्यक सेवाओं को अस्थायी रूप से बहाल की। इस आपदा के कारण प्रदेश में सड़क, बिजली और जल आपूर्ति योजनाएं प्रभावित हुई हैं और अभी तक हुए कुल नुकसान का आकलन 12 हजार करोड़ रुपये से अधिक है। डिजिटलीकरण के प्रति राज्य की प्रतिबद्धता को दोहराते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि विभिन्न सरकारी विभाग आधुनिक प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल कर लोगों को सरकारी सेवाओं का लाभ उनके घर-द्वार पर प्रदान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार 31 मार्च, 2026 तक हिमाचल प्रदेश को हरित ऊर्जा राज्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध है और इस लक्ष्य को प्राप्त करने में अभियंताओं की महत्त्वपूर्ण भूमिका रहेगी। उन्होंने प्रदेशवासियों से जलवायु परिवर्तन को एक सामूहिक जिम्मेदारी मान कर इससे निपटने में पूर्ण सहयोग देने का भी आह्वान किया। इस अवसर पर उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान, शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर, मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी, मुख्यमंत्री के प्रधान सलाहकार (मीडिया) नरेश चौहान, एचपीएसईबीएल के प्रबंध निदेशक हरिकेश मीणा, एचपीएसईबीएल के निदेशक डॉ. अमित कुमार शर्मा, सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के निदेशक राजीव कुमार सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित थे।
भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष वंदना योगी ने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व से विचार-विमर्श के उपरांत जिला सोलन से अर्की विधानसभा क्षेत्र के कुनिहार से प्रतिभा कंवर को प्रदेश महिला मोर्चा में सचिव की जिम्मेदारी दी है, जिससे कुनिहार सहित पूरे विधानसभा क्षेत्र अर्की में खुशी की लहर है। जिला अध्यक्ष रतन सिंह पाल, अर्की मंडल अध्यक्ष राकेश ठाकुर,पूर्व जिला अध्यक्ष आशुतोष वैद्य, प्रदेश उपाध्यक्ष रश्मि धर सूद,भाजपा वरिष्ठ नेत्री आशा परिहार,महिला मोर्चा अर्की मण्डल अध्यक्ष रीना भारद्वाज, दलीप सिंह पाल,अनिल गर्ग,सुरेश जोशी,घनस्याम धवन आदि ने प्रतिभा कंवर को इस नियुक्ति पर बधाई दी है। इससे पहले प्रतिभा कंवर के पास भाजपा प्रदेश महिला मोर्चा प्रवक्ता की जिम्मेदारी थी। प्रतिभा कंवर ने प्रदेश महिला मोर्चा में सचिव की नियुक्ति के लिए भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल, पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष जय राम ठाकुर, प्रदेश महामंत्री संगठन सिद्धार्थन, केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर, प्रदेश अध्यक्ष महिला मोर्चा वंदना योगी, पूर्व अध्यक्ष महिला मोर्चा एवं वर्तमान उपाध्यक्ष भारतीय जनता पार्टी रश्मि धर सूद सहित समस्त वरिष्ठ भाजपा नेतृत्व का हार्दिक आभार एवं धन्यवाद किया है। उन्होंने कहा कि मैं पार्टी की आशा के अनुरूप हर संभव कार्य करने का प्रयास करूंगी। हिमाचल प्रदेश भाजपा संगठन के प्रत्येक कार्यकर्ता को वंदन करते हुए समस्त कार्यकर्ता बंधुओ का भी हार्दिक धन्यवाद करती हूं। मैं इस नई जिम्मेवारी का निर्वहन करने हेतु पूर्ण रूप से प्रयत्नशील रहकर दृढ़ निश्चय एवं सत्यनिष्ठा से कार्यरत रहूंगी तथा राष्ट्र सर्वोपरि की धारणा को वास्तविकता में अपनाते हुए राष्ट्र हित के लिए हर संभव प्रयास करूंगी।
डाक विभाग द्वारा डाक टिकटों को रुचि के रूप में अपनाने तथा इनपर अनुसंधान एवं अभिरूचि को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से फिलैटली छात्रवृत्ति दीन दयाल स्पर्श योजना आरंभ की गई है। यह योजना वर्ष 2023-24 के लिए आरंभ की गई है। यह जानकारी आज यहां सोलन डाक मंडल के अधीक्षक डाकघर आरडी पाठक ने दी। योजना के तहत आवेदन करने की अंतिम तिथि 17 सितंबर है। आरडी पाठक ने कहा कि दीन दयाल स्पर्श योजना छठी कक्षा से नवीं कक्षा तक के उन छात्रों के लिए जिनका अकादमी रिकॉर्ड अच्छा है और जो डाक टिकट संग्रह में रुचि रखते हैं। उन्होंने कहा कि योजना के तहत डाक टिकट संग्रह विषय पर लिखित प्रश्नोत्तरी एवं डाक टिकट संग्रह परियोजना के आधार पर छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी। चयनित छात्रों को छात्रवृत्ति के रूप में प्रति वर्ष 06 हजार रुपये तथा प्रति माह 500 रुपये प्रदान किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि दीन दयाल स्पर्श योजना के तहत छात्रवृत्ति प्राप्त करने के लिए उम्मीदवार भारत के किसी मान्यता प्राप्त विद्यालय में छठी से नवीं कक्षा का छात्र होना चाहिए। सम्बन्धित विद्यालय में फिलैटली क्लब होना चाहिए और छात्र इस क्लब का सदस्य होना चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि सम्बन्धित विद्यालय में फिलैटली क्लब की स्थापना नहीं की गई है तो ऐसे छात्र पर योजना के तहत विचार किया जा सकता है, जिसका अपना डाक टिकट संग्रह खाता हो। उन्होंने कहा कि उम्मीदवार का अच्छा अकादमिक रिकॉर्ड होना चाहिए। अनुसूचित जाति तथा अनुसूचित जनजाति के उम्मीदवारों को शैक्षणिक रिकॉर्ड में 5 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। आरडी पाठक ने कहा कि इच्छुक उम्मीदवार अपना आवेदन अधीक्षक डाकघर सोलन मण्डल सपरून-173211 पर डाक के माध्यम से तथा स्वयं भी दे सकते है। उन्होंने कहा कि आवेदन जमा करवाने की अंतिम तिथि 17 सितंबर निर्धारित की गई है। उन्होंने कहा कि अधिक जानकारी विभाग की वेबसाइट 222.द्बठ्ठस्रद्बड्डश्चशह्यह्ल.द्दश1.द्बठ्ठ पर प्राप्त की जा सकती है।
शूलिनी विश्वविद्यालय और सैलफोर्ड विश्वविद्यालय (यूके) ने छात्रों के लिए एक अभूतपूर्व शैक्षिक यात्रा शुरू करने के लिए हाथ मिलाया है। यह एग्रीमेंट एक गतिशील 2+2-डिग्री कार्यक्रम पेश करता है, जो छात्रों को सैलफोर्ड विश्वविद्यालय से प्रतिष्ठित स्नातक की डिग्री के लिए एक सहज कार्यक्रम की पेशकश करता है। शूलिनी विश्वविद्यालय में अंतर्राष्ट्रीय मामलों के निदेशक डॉ. आरपी द्विवेदी ने कहा कि सैलफोर्ड विश्वविद्यालय के साथ यह सहयोग छात्रों के लिए विश्व स्तरीय शिक्षा प्राप्त करने के नए रास्ते खोलेगा औरछात्रों को आज की वैश्वीकृत दुनिया में उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए कौशल और जोखिम लेना सिखाएगा। 2+2 कार्यक्रम छात्रों के उच्च शिक्षा के अनुभव के तरीके में क्रांतिकारी बदलाव लाने के लिए तैयार है, जिससे उन्हें ट्यूशन फीस पर बचत करते हुए और एक अमूल्य अंतरराष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य प्राप्त करते हुए दो अलग-अलग देशों में अध्ययन करने का एक अनूठा अवसर मिलेगा। वैश्विक अवसरों का लाभ उठाने के लिए एग्रीमेंट प्रावधान के तहत छात्र भारत में शूलिनी विश्वविद्यालय में अपने शुरुआती दो साल बिताकर एक परिवर्तनकारी शैक्षणिक यात्रा शुरू कर सकते हैं, जहां उन्हें अध्ययन के अपने चुने हुए क्षेत्र में एक मजबूत आधार मिलता है। प्रारंभिक दो वर्षों को सफलतापूर्वक पूरा करने और स्थानांतरण मानदंडों को पूरा करने के बाद, छात्र अपनी स्नातक की डिग्री के अंतिम दो वर्षों को पूरा करने के लिए यूके में सैलफोर्ड विश्वविद्यालय में निर्बाध रूप से स्थानांतरित हो सकते हैं। यह मार्ग समय की हानि या बिना श्रेय वाले पाठ्यक्रम के बिना सुचारु परिवर्तन सुनिश्चित करता है। कार्यक्रम छात्रों को एक अलग संस्कृति में डूबने, विभिन्न दृष्टिकोण वाले प्रोफेसरों और छात्रों के साथ जुड़ने और एक वैश्विक मानसिकता विकसित करने के लिए प्रोत्साहित करता है जो उन्हें आज की परस्पर जुड़ी दुनिया में अलग करता है। शूलिनी विश्वविद्यालय और सैलफोर्ड विश्वविद्यालय अपनी अद्वितीय शैक्षिक, पाठ्यचर्या और अनुसंधान दक्षताओं को सामने लाते हैं, शैक्षणिक अनुभव को समृद्ध करते हैं और छात्रों को एक सफल भविष्य के लिए तैयार करते हैं। इस अंतरराष्ट्रीय स्तर पर केंद्रित कार्यक्रम के स्नातकों को एक विदेशी राष्ट्र से स्नातक की डिग्री प्राप्त होती है, जो तेजी से बढ़ती वैश्विक नौकरी में उनकी रोजगार क्षमता को महत्वपूर्ण रूप से बढ़ाती है। सैलफोर्ड विश्वविद्यालय के छात्रों को मूल्यवान कार्य अनुभव प्राप्त करने के लिए अपनी पढ़ाई के दौरान अंशकालिक रोजगार में संलग्न होने की अनुमति देगी । सैलफोर्ड विश्वविद्यालय से डिग्री प्राप्त करने पर, छात्र न्यूनतम 2 साल के कार्य वीजा के लिए पात्र हो जाते हैं, जिससे करियर की रोमांचक संभावनाएं खुल जाती हैं। इसके अलावा, यह कार्यक्रम कार्य वीजा चरण के दौरान स्थायी निवास (पीआर) हासिल करने की प्रबल संभावना प्रस्तुत करता है।
सिविल अस्पताल भोरंज के आपातकालीन बेड पर सो रहे एक कुत्ते का फोटो वायरल हुआ है। यह फोटो 13 सितंबर सुबह सवा 3 बजे का बताया जा रहा है, जिससे अस्पताल की अव्यवस्था का पता चलता है कि जहां अस्पताल में आने वाले मरीजों को जिला अस्पताल में बेड न होने के चलते हमीरपुर रैफर किया जा रहा है, वहीं कुत्ते अस्पताल के बेड पर आराम फरमा रहे हैं। दूसरी तरफ भोरंज अस्पताल में चारदीवारी व गेट के साथ-साथ चौकीदार या सुरक्षा गार्ड भी नहीं हैं, जिससे भी अस्पताल में लवारिस पशु और कुत्ते बेखौफ घूमते रहते हैं। हालांकि भोरंज अस्पताल में एक भवन का ब्लॉक बनकर तैयार हो गया है व दूसरे भवन के लिए भी तैयारियां शुरू हो गई हैं, लेकिन अस्पताल की व्यवस्था आपातकालीन बेड पर सोने के फोटो से जगजाहिर हो गई है। वहीं, बीएमओ डॉ. ललित कालिया का कहना है कि अस्पताल में बाउंड्री वॉल, गेट व चौकीदार न होने से अस्पताल में आवारा कुत्ते व लावारिस पशु घुस आते हैं, हालांकि अस्पताल प्रशासन चौकस रहता है।
डॉ. यशवंत सिंह परमार औद्यानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय, नौणी का 10 सदस्यीय स्नातक छात्र दल इंडोनेशिया में 21 दिवसीय अंतरराष्ट्रीय इंटर्नशिप कार्यक्रम में भाग ले रहे है। छात्र जकार्ता में इंडोनेशिया सरकार के पर्यावरण और वानिकी मंत्रालय की पर्यावरण और वानिकी उपकरणों के मानकीकरण एजेंसी में इंटर्नशिप कार्यक्रम में भाग ले रहे हैं। छात्र इंडोनेशिया में 21-दिवसीय शैक्षणिक इंटर्नशिप कार्यक्रम का हिस्सा होंगे और एजेंसी द्वारा आयोजित सेमिनार और इंटरैक्टिव सत्रों की एक श्रृंखला में भाग लेंगे। इंटर्नशिप के दौरान पर्यावरण और वानिकी पर मानकीकरण, सुशासन, आपदा लचीलापन और जलवायु परिवर्तन से संबंधित विभिन्न विषयों को शामिल किया जाएगा। यह कार्यक्रम पर्यावरण और वानिकी प्रबंधन में विश्वविद्यालय के छात्रों की क्षमता निर्माण करेगा। इंटर्नशिप कार्यक्रम को राष्ट्रीय कृषि उच्च शिक्षा परियोजना की संस्थागत विकास योजना (एन.ए.एच.ई.पी. आई.डी.पी.) द्वारा वित्त पोषित किया गया है। छात्रों में दीक्षा पुंडीर, रिदम कौल, मुस्कान ठाकुर बागवानी कॉलेज से हैं, जबकि विभा ठाकुर, दर्शना ठाकुर और साक्षी वानिकी कॉलेज का प्रतिनिधित्व करेगी। अदिति ठाकुर, हिमानी राणा, अक्षिता शर्मा और अभय सिंह विश्वविद्यालय के कॉलेज ऑफ हॉर्टिकल्चर एंड फॉरेस्ट्री, नेरी से हैं। कुलपति प्रोफेसर राजेश्वर सिंह चंदेल ने छात्रों को शीर्ष वैश्विक अनुसंधान संस्थानों से सीखने और अंतरराष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य विकसित करने का अवसर देने के लिए भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद, परियोजना के राष्ट्रीय निदेशक डॉ. आरसी अग्रवाल और राष्ट्रीय समन्वयक डॉ. नवीन जैन को धन्यवाद दिया। उन्होंने इस प्रशिक्षण कार्यक्रम की व्यवस्था के लिए डॉ. केके रैना और आईडीपी की पूरी टीम को भी बधाई दी। परियोजना के मुख्य समन्वयक डॉ. केके रैना ने बताया कि यह छात्रों का पांचवां बैच है, जिन्हें इस परियोजना के तहत विश्वविद्यालय द्वारा अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए भेजा गया है। इससे पहले, 42 छात्रों ने एशियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलोजी, बैंकॉक में एक महीने के कार्यक्रम में भाग लिया था, जबकि 10 छात्रों ने वेस्टर्न सिडनी यूनिवर्सिटी, ऑस्ट्रेलिया में तीन सप्ताह की इंटर्नशिप पूरी की और 10 छात्रों के एक अन्य बैच ने केओबी जर्मनी में एक अंतरराष्ट्रीय इंटर्नशिप में भाग लिया था। इसके अतिरिक्त, 37 संकाय सदस्यों ने ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, इजराइल, जर्मनी, थाईलैंड, दक्षिण कोरिया और यूनाइटेड किंगडम में अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से अपने कौशल को बढ़ाने के अवसर का लाभ उठाया है।
-साधारण किराये पर हिमधारा एसी 2&3 बसों का संचालन करेगा एचआरटीसी -श्रद्धालु एचआरटीसी की वेबसाइट पर ऑनलाइन बुकिंग भी कर सकेंगे हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) नवरात्र पर श्रद्धालुओं को धार्मिक सर्किट बस सेवा की सौगात देगा। पहली बार एचआरटीसी की एक ही बस से श्रद्धालु कई धार्मिक स्थलों के दर्शन कर पाएंगे। यात्रा एक दिन की रहेगी सुबह शुरू होकर शाम को खत्म हो जाएगी। यात्रियों से बसों का सामान्य किराया वसूला जाएगा। खास बात यह रहेगी कि श्रद्धालुओं को सरकार की सुगम दर्शन योजना की भी सुविधा मिलेगी। धार्मिक सर्किट में एचआरटीसी हिमधारा एसी 2&3 बसों का संचालन करेगा। धार्मिक सर्किट बस सेवा के लिए श्रद्धालु एचआरटीसी की वेबसाइट पर ऑनलाइन बुकिंग भी कर सकेंगे। अगर श्रद्धालु पूरी बस की बुकिंग करते हैं तो 10 फीसदी छूट भी दी जाएगी। रास्ते में खाने के लिए बसें एचआरटीसी के चिन्हित ढाबों या पर्यटन विकास निगम के रेस्टोरेंट्स पर रुकेगी। ट्रायल के तौर पर सबसे पहले धर्मशाला, कांगड़ा, ज्वालाजी, चिंतपूर्णी, बगलामुखी, धर्मशाला सर्किट पर बस सेवा शुरू होगी। उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री के निर्देशों पर एचआरटीसी ने यह सेवा शुरू करने की योजना बनाई है।
-उत्तराखंड सरकार के मंत्री सुबोध उनियाल ने किया चैंपियनशिप का शुभारंभ -टिहरी में 17 सितंबर तक चलेगी बहुप्रतीक्षित चार दिवसीय प्रतियोगिता टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड, अनुसूची-ए, मिनी-रत्न, सार्वजनिक क्षेत्र अंडरटेकिंग के तत्वावधान में बहुप्रतीक्षित चार दिवसीय आयोजन टिहरी वाटर स्पोर्ट्स कप 2023 का आगाज 14 सितंबर को हुआ। प्रतियोगिता 17 सितंबर तक टेहरी में आयोजित की जा रही है। इस प्रतिष्ठित चैंपियनशिप का उद्घाटन उत्तराखंड सरकार में वन, भाषा, चुनाव और तकनीकी शिक्षा मंत्री सुबोध उनियाल ने किया। किशोर उपाध्याय, विधायक टेहरी-गढ़वाल सोना सजवान, चेयरमैन, जिला पंचायत टेहरी-गढ़वाल, मयूर दीक्षित, जिलाधिकारी टेहरी-गढ़वाल,नवनीत सिंह, एसएसपी टेहरी-गढ़वाल, भूपेंद्र गुप्ता, निदेशक (तकनीकी) टीएचडीसीआईएल, एलपी जोशी, ईडी (टेहरी कॉम्प्लेक्स), प्रशांत कुशवाहा, अध्यक्ष, भारतीय कायाकिंग एंड कैनोइंग एसोसिएशन, एसबी शर्मा, आईजी आईटीबीपी, डॉ. डीके उत्तराखंड ओलंपिक संघ के महासचिव सिंह सहित अन्य प्रतिष्ठित गणमान्यों ने इस अवसर की शोभा बढ़ाई। सुबोध उनियाल ने अपने संबोधन में टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड को इस उल्लेखनीय राष्ट्रीय स्तर के खेल आयोजन के लिए हार्दिक प्रशंसा की, उन्होंने यह भी कहा कि टीएचडीसी भारत का एक अग्रणी पावर जनरेटर है, जो देश को शक्ति प्रदान करने और खेल की उत्कृष्टता को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने जोर दिया कि ये खेल के प्रयास केवल प्रतियोगिताएं नहीं, बल्कि अमूल्य मंच हैं जो खिलाड़ी कौशल को बढ़ावा देते हैं और प्रतिभागियों के बीच सहनशक्ति को बढ़ावा देते हैं। अपने संबोधन के दौरान भूपंद्र गुप्ता, निदेशक (तकनीकी) ने पूरे भारत में समग्र सामाजिक विकास और समावेशीता के लिए टीएचडीसी की अथक प्रतिबद्धता को निरस्त किया। उन्होंने प्रकाश डाला कि यह समर्पण टेहरी वाटर स्पोर्ट्स कप-2023 जैसे प्रतिष्ठित राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय खेल कार्यक्रमों के आयोजन में बढ़ता है। उन्होंने और जानकारी दी कि यह प्रतियोगिता महत्वपूर्ण महत्वपूर्ण है क्योंकि यह आगामी राष्ट्रीय वरिष्ठ वर्ग पुरुष और महिला कायाकिंग और कैनोइंग चैम्पियनशिप के लिए क्वालीफाइंग टूर्नामेंट के रूप में काम करती है, जो इस वर्ष अक्टूबर के अंत में गोवा में आयोजित की जाएगी। टीएचडीसीआईएल के चेयरमैन व प्रबंध निदेशक विश्नोई के गतिशील मार्गदर्शन के तहत, टीएचडीसीआईएल सामरिक रूप से विभिन्न ऊर्जा क्षेत्रों में विस्तार और विविधीकरण के लिए स्थित है, जिसमें सौर, पवन, थर्मल, पम्पड स्टोरेज पावर (पीएसपी), और हाइड्रो शामिल हैं। यह रणनीतिक दृष्टिकोण सतत सामाजिक विकास को सर्वोपरि महत्व देते हुए राष्ट्र की ऊर्जा की आवश्यकताओं को पूरा करने में टीएचडीसीआईएल की प्रमुख भूमिका को अंडरस्कोर करता है। गुप्ता ने यह भी उल्लेख किया कि राष्ट्रीय खेल 2023 के लिए उत्तीर्ण होने के उद्देश्य से 28 राज्यों और सेवाओं के लगभग 450 पुरुष और महिला एथलीट इस प्रतियोगिता में अपनी उत्कृष्ट प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। यह कार्यक्रम आईटीबीपी के तकनीकी सहयोग से टीएचडीसीआईएल द्वारा आयोजित किया जा रहा है, खेल और पर्यटन विभाग, सरकार के सहयोग से। भारतीय कायाकिंग एंड कैनोइंग एसोसिएशन और उत्तराखंड ओलंपिक एसोसिएशन के मार्गदर्शन के साथ उत्तराखंड की स्थानीय पुलिस और प्रशासन। इस अवसर पर बोलते हुए आरके टीएचडीसीआईएल के चेयरमैन व प्रबंध निदेशक विश्नोई ने बताया कि कोटी कॉलोनी, टेहरी में एक हाई-परफॉर्मेंस अकादमी की स्थापना लगभग चार करोड़ रुपये की लागत से की जा रही है। यह अकादमी उत्तराखंड में 13 से 17 वर्ष के प्रतिभाशाली एथलीटों को मुफ्त भोजन, कपड़े, प्रशिक्षण, आवास, चिकित्सा सुविधाएं और स्कूल सेवाएं प्रदान करेगी, जिससे वे खेल क्षेत्र में राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्टता प्राप्त करने में सक्षम होंगे। इसके अलावा कोटेश्वर बांध परिसर में इन एथलीटों के लिए 10त्न कोटा आरक्षित किया जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि अकादमी का निर्माण पूरा होने के करीब है, और उम्मीद है कि इन प्रस्तावों पर समझौतों पर जल्द ही हस्ताक्षर किए जाएंगे। उच्च प्रदर्शन अकादमी क्षेत्रीय, राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय प्रतिभाशाली एथलीटों को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय कोचों और वैज्ञानिक सुविधाओं के साथ प्रशिक्षण प्रदान करेगी, जिसमें उन्होंने कहा कि एक अनुमानित वार्षिक खर्च चार करोड़ रुपये (रु.) के साथ। विश्नोई ने यह भी जानकारी दी कि एक अंतर्राष्ट्रीय खेल विनिमय कार्यक्रम लागू किया जाएगा, जिससे हमारे एथलीटों और विदेशी एथलीटों को आपसी प्रशिक्षण और तकनीकी विशेषज्ञता से लाभ मिल सके। यह पहल न केवल हमारे राज्य और राष्ट्रीय एथलीटों को अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करेगी बल्कि स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर और पर्यटन लाभ भी प्रदान करेगी। अकादमी शुरू में 15 पुरुष और 15 महिला प्रशिक्षुओं को उनके प्रदर्शन के आधार पर भर्ती करेगी, जिसमें अकादमी की खेल विशेषज्ञ समिति द्वारा प्रदान किए गए प्रशिक्षण के लिए अधिक सिफारिशों के साथ। ये प्रशिक्षण केंद्र विश्व स्तरीय खेल उपकरणों, वैज्ञानिक तकनीकों, कोच और आरामदायक जीवन व्यवस्थाओं से सुसज्जित होंगे ताकि विश्व स्तर पर भारत की प्रतिष्ठा चमकाने और बढ़ाने के लिए भारत के सर्वश्रेष्ठ एथलीटों को तैयार किया जा सके। आर के. टीएचडीसीआईएल के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक विश्नोई ने कहा कि ये पहल खेल प्रतिभाओं को पोषण, सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देने और राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय खेल मंच पर उत्तराखंड की उपस्थिति को बढ़ाने में एक महत्वपूर्ण कदम है। महत्वपूर्ण तौर पर, ये प्रयास खेल और आर्थिक परिदृश्य दोनों को मजबूत करते हुए रोजगार के अवसर उत्पन्न करने और क्षेत्र में पर्यटन को उत्तेजित करने का वादा करते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि ये पहल न केवल राज्य के एथलीटों को बढ़ाने के लिए बल्कि स्थानीय समुदाय के लिए अवसर पैदा करने के लिए वादा करती है, जो क्षेत्र में खेल और पर्यटन दोनों को बढ़ावा देती है।
एएनटीएफ स्टेट सीआईडी शिमला रेंज ने एक व्यक्ति को 2.016 किलो अफीम के साथ गिरफ्तार किया है। एएनटीएफ राज्य सीआईडी शिमला रेंज ने प्रेम प्रकाश पुत्र मल्ल बहादुर से सोलन ब्रुअरी में कुनार्क होटल के पास 2.016 किलोग्राम अफीम पकड़ी। आरोपी के खिलाफ एनडी एंड पीएस अधिनियम की धारा 18-61-85 के तहत पुलिस स्टेशन धर्मपुर में मामला दर्ज किया गया है और आगामी जांच जारी है।
जिला सोलन के अटल शिक्षा कुंज स्थित आईईसी विश्वविद्यालय में वीरवार को राष्ट्रीय हिंदी दिवस का आयोजन किया गया। इस अवसर पर श्रीकृष्ण-अर्जुन संवाद, प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता, कविता पाठन आदि के माध्यम से राजभाषा हिंदी का महत्व समझाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ की गई। कार्यक्रम में पंजाब विश्वविद्यालय चंडीगढ़ के कानून विभाग में सेवारत प्रो. अजय रंगा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। अपने संबोधन में प्रो. अजय रंगा ने कहा कि किसी भी समाज की उम्मीदों-आकांक्षाओं और विचारों की सबसे सहज और प्रभावी अभिव्यक्ति उसकी मातृभाषा के माध्यम से ही संभव है। उन्होंने कहा कि विश्व के सभी विकसित देशों ने स्वभाषा से ही उन्नति की है। भारत को भी अमृत काल में विकसित राष्ट्रों की श्रेणी में आने के लिए मातृभाषा हिंदी को ही सर्वोच्च प्राथमिकता देनी होगी। वहीं, अपने संदेश में विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अशोक पुरी ने कहा कि मां, मातृभूमि और मातृभाषा का कोई दूसरा विकल्प नहीं हो सकता है। अत: हर भारतीय को अपने जीवन में मातृभाषा हिंदी को सर्वोच्च महत्व देना चाहिए। तभी हम अपनी क्षमताओं और सामर्थय की सार्थक अभिव्यक्ति कर सकेंगे।
सोलन के रबौण, वशिष्ठ कॉलोनी, नेगी कॉलोनी, राधा स्वामी सत्संग भवन, बघाट बैंक, सनातन धर्म मंदिर, आंजी नसल, तपन मोटर्स, रेलवे स्टेशन एवं आस-पास के क्षेत्रों में 16 सितंबर को प्रात: 10 बजे से सायं 6.00 बजे तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी।
- एसएमसी शिक्षकों के वेतन में 2 हजार रुपये की बढ़ोतरी -अंशकालिक जलवाहकों का मानदेय भी 2000 रुपये बढ़ा -मुख्यमंत्री लघु दुकान कल्याण योजना- 2023 को मंजूरी मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में आज यहां हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में राज्य सरकार, सार्वजनिक उपक्रमों, बोर्डों, निगमों के तहत विभिन्न समूह-सी पदों की भर्ती के लिए परीक्षा आयोजित करने के लिए हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग की स्थापना करने का निर्णय लिया गया। मंत्रिमंडल ने विभाग को मजबूत करने के लिए पुलिस विभाग में कांस्टेबल के 1226 पद भरने का निर्णय लिया, जिसमें 877 पुरुष कांस्टेबल, 292 महिला कांस्टेबल और 57 कांस्टेबल ड्राइवर शामिल हैं। कैबिनेट ने एसएमसी शिक्षकों का मानदेय 2000 रुपये बढ़ाने का निर्णय लिया गया। 1 अप्रैल, 2023 से 2000 प्रति माह जिससे 2115 व्यक्तियों को लाभ होगा। इसके अलावा, शिक्षा विभाग में कार्यरत अंशकालिक जलवाहकों का मानदेय 2000 रुपये बढ़ाने का भी निर्णय लिया गया। 3900 से रुपये 1 अप्रैल, 2023 से 4400 प्रति माह, जिससे 283 व्यक्ति लाभान्वित होंगे। मंत्रिमंडल ने अवैध खनन गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए उद्योग विभाग में खनन निरीक्षक के 12 पद, सहायक खनन निरीक्षक के 24 पद और खनन गार्ड के 38 पद भरने का भी निर्णय लिया। बागवानी विभाग में बागवानी विस्तार अधिकारियों के 50 पद भरने का निर्णय लिया गया। मंत्रिमंडल ने आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग में सांख्यिकी सहायक के 10 पद भरने को भी मंजूरी दी। कैबिनेट ने मुख्यमंत्री लघु दुकान कल्याण योजना- 2023 को मंजूरी दी और रुपये आवंटित करने का फैसला किया। योजना के तहत 40 करोड़ रु. यह योजना छोटे उद्यमियों और कौशल आधारित श्रमिकों जैसे मोची, दर्जी, नाई, मोबाइल रिपेयरिंग विक्रेता, सब्जी और फल विक्रेता आदि को अपने व्यवसाय के लिए ऋण प्राप्त करने के बेहतर अवसर प्रदान करेगी। राजस्व न्यायालय के मामलों के विलंबित निर्णयों के मुद्दे को संबोधित करने और विभाजन, सुधार, उत्परिवर्तन, अपील जैसे विभिन्न राजस्व कार्यों को सुव्यवस्थित करने के लिए हिमाचल प्रदेश विधानसभा के आगामी मानसून सत्र में हिमाचल प्रदेश भूमि राजस्व (संशोधन) विधेयक, 2023 लाने का निर्णय लिया गया। और जनता की सुविधा के लिए सीमांकन आदि। लंबित मूल्यांकन मामलों और बकाया जो मुकदमेबाजी के अधीन थे या अभी तक जीएसटी के तहत मूल्यांकन नहीं किया गया था, को निपटाने के लिए 1 अक्टूबर 2023 से 31 दिसंबर, 2023 तक हिमाचल प्रदेश सद्भावना विरासत मामले समाधान योजना, 2023 के तीसरे चरण को शुरू करने का भी निर्णय लिया गया। मंत्रिमंडल ने राजस्व के अनुकूलन के लिए वित्तीय वर्ष 2024-25 से एचपीएसईबीएल, एचपीपीसीएल और ऊर्जा निदेशालय के संबंध में व्यापारिक रणनीतियों और बिजली के लेनदेन के समन्वय के लिए एकल ऊर्जा ट्रेडिंग डेस्क स्थापित करने का निर्णय लिया। इसने जलवायु, स्थलाकृतिक और अन्य संबंधित कारणों से मंदी की अवधि के दौरान ऊर्जा की कमी का प्रबंधन करने के लिए स्वर्ण जयंती ऊर्जा नीति, 2021 में संशोधन करने को भी मंजूरी दे दी। नए प्रावधान छत आधारित सौर परियोजनाओं की स्थापना को प्रोत्साहित करेंगे और बिजली उत्पादन में योगदान देंगे।
- स्कूल चेयरमैन टीसी गर्ग व लूपिन गर्ग ने विशेष अतिथि के रूप में की शिरकत मातृभाषा हिंदी के प्रति अपने प्रेम भाव को प्रकट करते हुए द एसवीएन स्कूल बडोर घाटी में वीरवार को हिंदी दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें हिंदी अध्यापिकाओं लालिमा जोशी व रजना जुनेजा के निर्देशन में सभी विद्यार्थियों ने उत्साह व जोश से भाग लिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाचार्या उमा यादव द्वारा की गई। कार्यक्रम में स्कूल चेयरमैन टीसी गर्ग व लूपिन गर्ग ने विशेष अतिथि के रूप में शिरकत की। कार्यक्रम में बच्चों ने हिंदी भाषा पर कविताएं, भाषण, समूह गान प्रस्तुत किए। साथ ही हिंदी भाषा के कुछ रोचक तथ्यों को बता कर हिंदी ज्ञान में वृद्धि की। अध्यापकों व विद्यार्थियों ने पूरे दिन हिंदी भाषा का ही प्रयोग किया। कार्यक्रम के अंत में चेयरमैन टीसी गर्ग ने विद्यार्थियों को संदेश दिया कि आज के समय में भले ही अंग्रेजी भाषा हर कदम पर आवश्यक हो गई हो पर हमें हिंदुस्तानी होने के नाते हिंदी भाषा का ज्ञान होना भी जरूरी है और इसे बोलने में हमें शर्म नहीं, बल्कि गर्व महसूस होना चाहिए।
विदेशी सेब पर आयात शुल्क घटाए जाने पर हिमाचल के बागवान भड़क गए हैं। फैसल के विरोध में बागवान सड़कों पर उतरने की तैयारी कर रहे हैं। बागवानों का मानना है कि इससे हिमाचल का सेब बाजार में पिट जाएगा। विदेशी सेब का आयात बढ़ेगा। अफगानिस्तान के रास्ते से आ रहे ईरान के सेब की मार हिमाचली सेब पर सबसे ज्यादा पड़ रही है। प्रदेश के बागवान सेब पर आयात शुल्क 100 फीसदी तक करने के लिए सरकार पर लंबे अरसे से दबाव बना रही है लेकिन आयात शुल्क घटाने पर बागवानों का गुस्सा सातवें आसमान पर है। अमेरिका से भारत आने वाले सेब पर 35 फीसदी आयात शुल्क घटाए जाने की बात सामने आ रही है। बागवान संघ मुख्यमंत्री और बागवानी मंत्री के माध्य से यह मामला केंद्र से उठाएंगे। हिमाचल में हर साल 5,000 हजार करोड़ का कारोबार सेब से किया जाता है। प्रदेश की अर्थव्यवस्था में सेब की अहम भूमिका रहती है। अधिकांश बागवानों की सालभर की कमाई भी सेब पर ही टिकी है। दूसरी ओर विदेशी सेब ने हिमाचल के बागवानों के सामने चुनौती खड़ी कर रखी है। पहले से ही बड़ी मात्रा में विदेशी सेब के आने से हिमाचल के सेब को अच्छे रेट नहीं मिल रहे हैं।
कसौली इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल सनवारा के दो छात्रों का चयन ओपन शूटिंग चैंपियनशिप के लिए हुआ है। कक्षा नौवीं के दो छात्रों वीरेन गुलिया और रौनक गुलिया ने 26 अगस्त से आठ सितंबर तक डॉ. कर्णी सिंह शूटिंग रेंज तुगलकाबाद, नई दिल्ली में आयोजित 42वीं नॉर्थ जोन शूटिंग प्रतियोगिता में भाग लिया और ओपन नेशनल के लिए क्वालीफाई किया। रौनक गुलिया 360/400 और वीरेन गुलिया ने 357/400 स्कोर करके नॉर्दन इंडिया ओपन शूटिंग चैंपियनशिप के लिए क्वालीफाई कर स्कूल का नाम रोशन किया है। इससे पहले तीन अगस्त से नौ अगस्त तक पोंडिचेरी में आयोजित लड़कों और लड़कियों की सब-जूनियर नेशनल बास्केटबॉल चैंपियनशिप में भी स्कूल ने भाग लिया था। इस प्रतियोगिता में किपस की आठवीं कक्षा की छात्रा तन्वी ठाकुर ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया था। स्कूल के विद्यार्थियों के बेहतरीन प्रदर्शन के लिए स्कूल के प्रबंध निदेशक हीरा ठाकुर, प्रधानाचार्य राजेंद्र प्रसाद और उप-प्रधानाचार्या पूनम ठाकुर ने स्कूल स्टाफ और विद्यार्थियों को शुभकामनाएं दी है। उन्होंने विद्यालय द्वारा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना भी की।
सोलन ज़िला में केंद्रीय मंत्रालयों की विभिन्न योजनाओं के कार्यान्वयन एवं प्रगति की समीक्षा एवं अनुश्रवण के लिए ज़िला विकास समन्वय एवं अनुश्रवण समिति (दिशा) की बैठक 14 सितंबर को प्रात: 11.00 बजे उपायुक्त कार्यालय के सभागार में आयोजित की जाएगी। बैठक की अध्यक्षता शिमला लोकसभा क्षेत्र के सांसद सुरेश कश्यप करेंगे। बैठक उपायुक्त कार्यालय के सभागार में आयोजित की जाएगी। यह जानकारी अतिरिक्त उपायुक्त एवं ज़िला ग्रामीण विकास अभिकरण के परियोजना निदेशक अजय कुमार यादव ने दी।
अतिरिक्त उपायुक्त सोलन के कार्यालय से प्राप्त सूचना के अनुसार कुछ वाहनों की नीलामी 26 सितंबर को की जानी है। यह जानकारी अतिरिक्त उपायुक्त सोलन अजय यादव ने दी। उन्होंने कहा कि उपायुक्त कार्यालय सोलन परिसर में 26 सितंबर को प्रात: 11.30 बजे नीलामी प्रक्रिया आयोजित की जाएगी। इसमें 05 जिप्सी मॉडल 2007, 2004 तथा 1992 की नीलामी की जाएगी। उन्होंने कहा कि नीलामी से संबन्धित किसी भी प्रकार की जानकारी के लिए जिला नाजर शाखा के कार्यालय दूरभाष नंबर 01792-223702-3 एक्सटेंशन नंबर 209 पर सम्पर्क किया जा सकता है।
भविष्य के कानूनी दिग्गजों को प्रेरित करने के उद्देश्य से एक उल्लेखनीय पहल में, शूलिनी विश्वविद्यालय के कानूनी विज्ञान संकाय के बीएएलएलबी और एलएलबी छात्रों द्वारा जिला न्यायालय परिसर, सोलन में राष्ट्रीय लोक अदालत में एक दिन के दौरे का आयोजन किया गया । इस कार्यक्रम का समन्वय जिला कानूनी सेवा प्राधिकरण द्वारा किया गया था और छात्रों को वैकल्पिक विवाद समाधान की जटिलताओं और लोक अदालतों के कामकाज को समझने का अवसर प्रदान किया गया । कानूनी विज्ञान संकाय में सहायक प्रोफेसर विनीत कुमार और छात्रों की एक टीम ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, जिला और सत्र न्यायाधीश, साथ ही न्यायिक मजिस्ट्रेटों के कक्षों में ककज को बारीकी से समझा । छात्रों ने लोक अदालत की कार्यवाही भी देखी, जिसमें वैवाहिक मामले, संविदात्मक विवाद, बैंकिंग असहमति और यहां तक कि कुछ समझौता योग्य आपराधिक मुद्दों सहित विविध प्रकार के मामले शामिल थे। अपनी यात्रा के दौरान, छात्रों को सौहार्दपूर्ण विवाद समाधान की सुविधा के लिए न्यायाधीशों और वकीलों द्वारा नियोजित मध्यस्थता कौशल सीखने का सौभाग्य मिला। लोक अदालत मामलों की अध्यक्षता करने वाले न्यायाधीशों ने छात्रों के साथ बातचीत की और उदारतापूर्वक मध्यस्थता, और लोक अदालत की कार्यवाही पर अपनी अंतर्दृष्टि साझा की। इस अनूठे अवसर ने छात्रों को कक्षा से परे व्यावहारिक अनुभव और कानूनी प्रक्रियाओं की अमूल्य समझ प्रदान की। शूलिनी विश्वविद्यालय में कानूनी विज्ञान संकाय के डीन डॉ. नंदन शर्मा ने कहा कि हमारा उद्देश्य केवल कानूनी ज्ञान प्रदान करना नहीं है बल्कि सहानुभूतिपूर्ण और प्रभावी कानूनी पेशेवर तैयार करना है जो समाज में बदलाव ला सकें। राष्ट्रीय लोक अदालत का यह दौरा उस दृष्टिकोण की दिशा में एक कदम था, जिससे हमारे छात्रों को कानूनी सिद्धांतों और वैकल्पिक विवाद समाधान विधियों के वास्तविक दुनिया के अनुप्रयोग को देखने का मौका मिला।
-एडीसी ने धान फसल की खरीद को लेकर की बैठक आगामी धान की फसल को लेकर जिला स्तरीय उप समिति की बैठक अतिरिक्त उपायुक्त महेंद्र पाल गुर्जर की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में संबंधित विभागों के साथ धान खरीद को लेकर किए जा रहे प्रबंधों के संबंध में चर्चा की गई। महेंद्र पाल गुर्जर ने बताया कि इस बार जिला में धान खरीद का कार्य 2 अक्तूबर से 25 दिसंबर तक चलेगा। उन्होंने बताया कि जिला में किसानों से धान खरीद के लिए टकारला और रामपुर में दो खरीद केंद्र खोले गए हैं। उन्होंने किसानों से भी आग्रह किया कि वे धान खरीद पोर्टल पर अपना पंजीकरण करवाना सुनिश्चित करें ताकि किसी भी प्रकार की दिक्कतों का सामना न करना पड़े। इसके अतिरिक्त उन्होंने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि वे 48 घंटों के भीतर किसानों को उनकी फसल का भुगतान सरकार द्वारा ग्रेडिंग निर्धारित एमएसपी के हिसाब से करना सुनिश्चित करें। उन्होंने राजस्व विभाग को भी निर्देश दिए कि यदि किसानों को भूमि से संबंधित फर्दों में कोई दिक्कतें आ रही है तो एसडीएम के माध्यम से जल्द निदान करना सुनिश्चित करें ताकि उन्हें अपनी धान की फसल को बेचने में किसी प्रकार की दिक्कतों का सामना न करना पड़े। इस अवसर पर क्षेत्र प्रबंधक संजीव वर्मा, डीएफएससी राजीव शर्मा, उप निदेशक कृषि कुलभूषण धीमान, सचिव एपीएमसी भूपेंद्र सिंह, एआरटीओ अशोक कुमार, एडीआईओ भूपेंद्र सिंह, मोहित धीमान सहित अन्य उपस्थित रहे।
ब्यास नदी की तर्ज पर ऊना जिला के स्वां नदी में चल रहे क्रशरों पर लगे पूर्ण प्रतिबंध हिमाचल प्रदेश में भारी प्राक्रतिक आपदा के बाद भी माफिया खड्डों में खनन सामग्री एकत्रित करने से बाज नहीं आ रहा है। यह बात समाजसेवी मनीष शारदा ने कही। उन्होंने कहा कि गगरेट विस क्षेत्र में जगह जगह खड्डों में खनन सामग्री के बढ़े-बढ़े ढेर माफिया ने लगाए हुए हैं, जिसकी कोई जानकारी प्रशासन के पास नहीं है और प्रशासन आंखे मुंधे खड़ा है। उन्होंने कहा कि गगरेट विस क्षेत्र में खनन माफिया इतना हावी था कि प्रशासन को क्यूआरटी लगानी पड़ी और मरवाडी में क्यूआरटी लगने के बाद माफिया पांवड़ा रोड और सलोह के माध्यम से पैर पसार रहा है और पंजाब में खनन सामग्री पहुंचा रहा है। क्यूआरटी के फैसले का स्वागत करते हुए इसे 31 दिसंबर तक लगाये रखा जाना चाहिए और ओवरलोड एवं मॉडीफाइड टिप्परों पर पूर्ण रोक लगी रहे। उन्होंने माइनिंग विभाग कि कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि आखिर खनन माफिया के फन फैलाने के बावजूद भी कहीं नजर नहीं आ रहा है और विभाग आंकड़े जारी करे कि गगरेट में कितने चालान किये क्या कार्रवाई की है। जहां पूरे प्रदेश में पंद्रह सितंबर तक खनन पर पूर्ण प्रतिबंध है बावजूद इसके भी लोग खनन सामग्री एकत्रित कर नियमों कि धज्जियां उड़ा रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसके सरंक्ष्ण में यह खनन माफिया फन फैला रहा है और इस आपदा कि घड़ी में चंद चांदी के सिक्कों के लिए खड्डों का सीना छलनी कर रहे हैं, आखिर क्यों इस त्रासदी के बाद भी माफिया प्रदेश कि सम्पदा को नुक्सान पहुंचा रहा है, इस पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए और ब्यास नदी की तर्ज पर ऊना जिला के स्वां के सीने पर चल रहे क्रशरों पर पूर्णत: प्रतिबंध लगा देना चाहिए।
जिला सोलन की सार्वजनिक वितरण समिति की बैठक में ज़िला के सात स्थानों एवं ग्राम पंचायतों में उचित मूल्य की नई दुकानें खोलने का निर्णय लिया गया है। यह जानकारी आज यहां ज़िला खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति नियंत्रक नरेंद्र कुमार धीमान ने दी। उन्होंने कहा कि समिति के निर्णय के अनुसार जिला के विकास खंड नालागढ़ की ग्राम पंचायत बायला के गांव बायला, ग्राम पंचायत मानपुरा के गांव ठेडा तथा ग्राम पंचायत बारियां के गांव महुआ, विकास खण्ड धर्मपुर की ग्राम पंचायत गोयला के गांव छमकड़ी, छावनी क्षेत्र कसौली के कसौली, विकास खण्ड धर्मपुर की ग्राम पंचायत कसौली-गढ़खल के गांव कसौली तथा नगर निगम सोलन के शिल्ली रोड़, वार्ड नंबर 9 उचित मूल्य की नई दुकानें खोली जानी हैं। उन्होंने कहा कि इच्छुक व्यक्ति अथवा संस्थाएं इन स्थानों पर उचित मूल्य की दुकानें खोलने के लिए ऑनलाईन माध्यम से आवश्यक सूचना एवं अन्य दस्तावेज़ वेबसाइट पर अपलोड कर आवेदन किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि इच्छुक व्यक्तियों एवं संस्थाओं को इस कार्य के लिए वेबसाइट का उपयोग करना होगा। आवेदन करने की अंतिम तिथि 27 सितंबर निर्धारित की गई है। धीमान ने कहा कि ऑनलाइन माध्यम के अतिरिक्त किसी भी अन्य माध्यम आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि आवेदन करने की न्यूनतम योग्यता दसवीं पास तथा व्यक्तिगत आवेदनकर्ता की आयु 18 से 45 वर्ष के मध्य होनी चाहिए। आवश्यक दस्तावेजों के बिना आवेदन रद्द कर दिए जाएंगे। अधिक जानकारी एवं आवश्यक दस्तावेजों के संबंध में किसी भी कार्य दिवस पर कार्यालय में आकर अथवा दूरभाष नम्बर 01792-224114 पर सम्पर्क किया जा सकता है।
जिला दंडाधिकारी सोलन मनमोहन शर्मा ने हिमाचल प्रदेश जमाखोरी एवं मुनाफाखोरी रोकथाम आदेश, 1977 के खंड 3 (आई) (ई) के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए ज़िला सोलन में विभिन्न खाद्य वस्तुओं के अधिकतम खुदरा मूल्य निर्धारित करने के संबंध में अधिसूचना जारी की है। अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि अधिकतम खुदरा मूल्य में खाद्य वस्तुओं के सभी कर एवं अन्य आकस्मिक प्रभार सम्मिलित होंगे। अधिसूचना के अनुसार बकरा एवं भेड़ा का मीट 500 रुपये प्रति किलोग्राम, सुअर का मीट 250 रुपये प्रति किलोग्राम, चिकन ड्रेस्ड 200 रुपये प्रति किलोग्राम, ब्रॉइलर ड्रेस्ड 200 रुपये प्रति किलोग्राम, बिना तली मछली 250 रुपये प्रति किलोग्राम, तली हुई मछली 300 रुपये प्रति किलोग्राम, जीवित चिकन का मूल्य 150 रुपये प्रति किलो निर्धारित किया गया है। अधिसूचना के अनुसार तंदूरी चपाती प्रति 8 रुपये, तवा चपाती प्रति 7 रुपये, भरा हुआ परांठा प्रति 30 रुपये, चावल, चपाती, दाल और सब्जी फुल डाइट प्रति 80 रुपये, पूरी प्लेट चावल फुल प्लेट 50 रुपये, दाल फ्राइ प्रति प्लेट 60 रुपये, मीट करी प्रति प्लेट 120 रुपये, चिकन करी प्रति प्लेट 100 रुपये, सब्जी स्पेशल प्रति प्लेट 70 रुपये, मटर/पालक पनीर प्रति प्लेट 90 रुपये, सब्जी/चना एवं दही के साथ दो पूरी प्रति प्लेट 50 रुपये तथा रायता का मूल्य प्रति प्लेट 50 रुपये निर्धारित किया गया है। इस अधिसूचना के अनुसार स्थानीय दूध 45 रुपये प्रति लीटर, सभी ब्रांड का पैकेट वाला दूध मुद्रित मूल्य के अनुसार उपलब्ध होगा। पनीर 280 रुपये प्रति किलोग्राम तथा दही का मूल्य 65 रुपये प्रति किलोग्राम मूल्य तय किया गया है। सभी ब्रांड के शीतल पेय मुद्रित दर के अनुसार उपलब्ध होंगे। अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि एक प्लेट मीट/चिकन करी में 200 ग्राम मीट के टुकड़े अर्थात् न्यूनतम 5 पीस एवं 100 ग्राम शोरबा होना चाहिए। मटर पनीर, पालक पनीर इत्यादि में 100 ग्राम पनीर होना चाहिए। ब्रेड, दूध जैसे पैकेट बंद पदार्थों पर मूल्य एवं पैकिंग की तिथि निर्धारित अधिसूचना के अनुसार होनी चाहिए। प्रत्येक दुकानदार को बिक्री के लिए रखे गई खाद्य वस्तुओं की मूल्य सूची सहज दृश्य स्थल पर प्रदर्शित करना व इसके समस्त खरीद से सम्बन्धित बिल दुकानदार द्वारा रखना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि उपभोक्ता की मांग पर उन्हें कैश मेमो या बिल देना होगा। यह अधिसूचना आधिकारिक राजपत्र में प्रकाशित होने की तिथि से एक महीने की अवधि तक मान्य होगी।
शिमला-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे-5 परवानू के पास रखरखाव के लिए मंगलवार की रात 11 बजे से अगले दिन बुधवार सुबह 3 बजे तक सड़क वाहनों की आवाजाही के लिए बंद रहेगी। पुलिस ने इस अवधि के दौरान वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करने की सलाह दी है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने सूचित किया है कि शिमला-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे-5 पर परवानू के पास स्लाइडिंग जोन चक्की मोड़ में सड़क के रखरखाव के लिए 12 सितंबर, रात 11 बजे से दिनांक 13 सितंबर सुबह 3 बजे तक वाहनों की आवाजाही के लिए सड़क पूरी तरह से बंद रहेगी। शिमला पुलिस ने लोगों को सलाह दी है कि बहुत आवश्यक होने पर ही यात्रा करें। इस अवधि के दौरान वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल कर सकते हैं।
हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने जेओए आईटी पेपर लीक मामले में नामित आरोपी नितिन आजाद की जमानत रद्द कर दी है। न्यायाधीश सुशील कुकरेजा ने अपने निर्णय में कहा कि नितिन गंभीर आरोपों का सामना कर रहा है। इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता है कि जमानत मिलने के बाद याचिकाकर्ता कानूनी परिणामों से बचने के लिए फरार हो सकता है। अदालत ने पाया कि जांच एजेंसी ने अभी तक मामले की जांच पूरी नहीं की है। एजेंसी का शक है कि वह किसी अन्य समानांतर मामले में संलिप्त हो सकता है। आरोपी नितिन के खिलाफ पुलिस थाना सतर्कता हमीरपुर में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 7ए, 8, 12 और 13(1)(ए) और भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 201 और 120बी के तहत मामला दर्ज है। अभिलाष कुमार की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस को शिकायत की गई कि संजीव कुमार उर्फ संजय ने उसे जेओए (आईटी), पोस्ट कोड संख्या 965 की परीक्षा के पेपर चार लाख रुपये में बेचने की बात कही थी। उसके बाद शिकायतकर्ता ने संजीव कुमार उर्फ संजय की बातचीत रिकॉर्ड करनी शुरू कर दी। उसके बाद प्रश्नपत्र के लिए कीमत पर ढाई लाख रुपये में सौदेबाजी की गई। प्रश्नपत्र के लिए संजीव कुमार ने शिकायतकर्ता का परिचय निखिल नाम के व्यक्ति से करवाया। इसके बाद संजीव कुमार और निखिल ने प्रश्नपत्र और उत्तर कुंजी उपलब्ध कराने की पेशकश की। मामले की आगामी जांच में नितिन आरोपी पाया गया और उसके खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया। इससे पहले अप्रैल में भी आरोपी ने हाईकोर्ट के समक्ष जमानत याचिका दायर की थी, जिसे हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया था। प्लास्टिक अपशिष्ट के कार्यान्वयन की जानकारी दें सरकार हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने नियमानुसार प्लास्टिक अपशिष्ट का निष्पादन न करने पर कड़ा संज्ञान लिया है। अदालत ने राज्य सरकार से शपथपत्र के माध्यम से प्लास्टिक अपशिष्ट के कार्यान्वयन के संबंध में जानकारी तलब की है। न्यायाधीश तरलोक सिंह चौहान और न्यायाधीश रंजन शर्मा की खंडपीठ ने राज्य सरकार से पूछा है कि प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन (संशोधित) नियम, 2022 में इसके निष्पादन के लिए क्या कदम उठाए गए हैं। मामले की सुनवाई 20 सितंबर को निर्धारित की गई है। अदालत ने राज्य सरकार को आदेश दिए हैं कि प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन (संशोधित) नियम, 2022 के तहत सक्षम प्राधिकारी के साथ पंजीकृत उत्पादकों, आयातकों और ब्रांड-मालिकों की संख्या अदालत के समक्ष स्पष्ट रूप से बताई जाए। इसके अलावा प्लास्टिक अपशिष्ट के निष्पादन के लिए चिन्हित स्थानों की जानकारी भी तलब की गई है। अदालत ने हिमाचल प्रदेश ठोस कचरा (नियंत्रण) अधिनियम, 1995 में उन व्यक्तियों या प्राधिकरणों की संख्या भी तलब की है, जिनके विरुद्ध अधिनियम के अंतर्गत जुर्माना लगाया हो। इसके अतिरिक्त अदालत ने प्रदेश के सभी ठोस कचरा संयंत्रों का निरीक्षण की रिपोर्ट दायर करने के लिए एक हफ्ते का समय दिया है। मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि अदालती आदेशों के बावजूद भी कचरे का निस्तारण नियमों के अनुसार नहीं किया जा रहा है। बता दें कि अदालत के समक्ष हिमाचल के अलग-अलग हिस्सों से अपशिष्ट प्रबंधन, ठोस अपशिष्ट स्थापित करने के लिए स्थल विवाद और अनुपचारित सीवरेज और ठोस अपशिष्ट की रिहाई से जुड़ी याचिकाएं दर्ज की गई है। हिमाचल प्रदेश में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन और इसके कार्यान्वयन पर अदालत को बताया गया कि हिमाचल प्रदेश 59 शहरी समूह के साथ भारत का सबसे अच्छा शहरीकृत राज्य है। लेकिन, कचरे की कम मात्रा भी गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं पैदा कर सकती है। हिमाचल में 29 नगर परिषद और 5 नगर निगम है। कहीं भी कचरे का नियमानुसार निष्पादन नहीं किया जा रहा है।
गोपाल पंवर को वरिष्ठ उपप्रधान, बलबीर और दीप राम को चुना उपप्रधान कुनिहार के तालाब पेंशन हाउस में कुनिहार विकास सभा की चुनावी बैठक की गई और प्रधान पद के लिए सभी ने आपसी विचार-विमर्श करके अपनी एक राए में कहा कि धनीराम तंनवर को ही प्रधान पद की जिम्मेदारी सौंपी जानी चाहिए। किसी भी सदस्य ने प्रधान पद की जिम्मेदारी लेने से मना कर दिया। कार्यकारिणी में कुछ बदलाव करके धनीराम तंनवर को ही एक बार फिर सर्वसम्मति से सभा का प्रधान बनाया गया। प्रस्ताव के मुताबिक धनीराम तंनवर को प्रधान के अलावा गोपाल पंवर को वरिष्ठ उपप्रधान, बलबीर चौधरी, दीप राम ठाकुर को उप प्रधान, भागमल तंनवर मुख्य सलाहकार, ओमप्रकाश कोषाध्यक्ष, विनोद जोशी मुख्य सलाहकार, संजय राघव महासचिव, नागेंद्र ठाकुर प्रेस सचिव, कली राम चौधरी व ज्ञान ठाकुर सलाहकार, ओम ठाकुर सहसचिव व हेम सिंह पंवर, संतराम, बाबूराम तनवर, रामस्वरूप,बलबीर कंवर, प्रेम राज चौधरी को सभा का सदस्य बनाया गया। प्रधान धनिराम तनवर ने बताया कि प्रस्ताव में यह भी पारित किया गया कि भविष्य में विकास सभा की त्रैमासिक मीटिंग की जाएगी, जिसमें प्रति सदस्य 200 रुपये फंड में दिए जाएंगे। सभी से आग्रह किया गया कि और ज्यादा सदस्यों को इस सभा में जोड़ा जाए।
शूलिनी विश्वविद्यालय में स्कूल ऑफ एंशिएंट इंडियन विजडम एंड योग साइंसेज के सहयोग से योगानंद सेंटर ऑफ थियोलॉजी ने भारत के योगदा सत्संग सोसाइटीके वरिष्ठ भिक्षु स्वामी कृष्णानंद गिरि के साथ एक सत्र का आयोजन किया। चांसलर प्रोफेसर पीके खोसला और एसआईएलबी अध्यक्ष सरोज खोला ने सत्र में स्वामी गिरि का स्वागत किया। छात्रों और शिक्षकों को अपने संबोधन में स्वामी कृष्णानंद गिरि ने विज्ञान और आध्यात्मिकता के बीच संबंध की बात की। उन्होंने वैज्ञानिक अनुसंधान के उन क्षेत्रों को छुआ जो योग के अभ्यास से मेल खाते हैं। उन्होंने कहा कि गणित द्वारा मात्रा निर्धारण को चुनौती दी जाती है, लेकिन कुछ हद तक, सही उपकरणों और मानसिकता के साथ मापा जा सकता है। लवेश रायखी ने आभा और इसकी सात परत वाली ऊर्जाओं की वैज्ञानिक व्याख्या पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि सकारात्मक सोच, ओम का जाप और नियमित गहन ध्यान व्यक्ति की आभा का विस्तार कर सकता है और आध्यात्मिक कल्याण को बढ़ा सकता है। स्वामी कृष्णानंद गिरि ने सीवी रमन, चंद्रशेखर और वी शांता जैसे प्रतिष्ठित वैज्ञानिकों की विरासत का जिक्र करके दर्शकों की आकांक्षाओं को जगाया, जो समर्पण और बलिदान के माध्यम से अपने-अपने क्षेत्रों में महान बने। उन्होंने छात्रों को शूलिनी विश्वविद्यालय द्वारा पेश किए गए मौलिक, अग्रणी अनुसंधान के सभी अवसरों को समझने के लिए प्रोत्साहित किया। स्वामी कृष्णानंद गिरि ने शूलिनी विश्वविद्यालय के खाद्य प्रौद्योगिकी विभाग में स्थित योगानंद फूड इनोवेशन लैब की आधारशिला भी रखी। श्री परमहंस योगानंद के सम्मान में यह प्रतीकात्मक लैब , पाक कला की सरलता और नवीनता का केंद्र होने का वादा करता है।
-परिवार सहित सड़कों पर उतरने की भी दी चेतावनी प्रदेशाध्यक्ष सुनील शर्मा बोले- 2555 एसएमसी शिक्षक स्कूलों में दे रहे सेवाएं -सैकड़ों विद्यालय सिर्फ और सिर्फ एसएमसी शिक्षकों के ही सहारे एसएमसी अध्यापक संघ के प्रदेशाध्यक्ष सुनील शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार यदि 30 सितंबर 2023 तक एसएमसी शिक्षकों के लिए पॉलिसी नहीं बनाती है तो 2 अक्तूूबर से प्रदेश में सत्याग्रह किया जाएगा। एसएमसी शिक्षकों ने प्रदेश सरकार को चेताया कि यदि उनकी मांग पूरी नहीं होती है तो वे परिवारों के साथ सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होंगे। बता दें कि प्रदेश में 2555 एसएमसी शिक्षक मौजूदा समय में कार्यरत हैं और अपने लिए सरकार से पॉलिसी बनाने की मांग कर रहे हैं। शिमला में एसएमसी अध्यापक संघ द्वारा आज पत्रकार वार्ता को संबोधित किया गया। पत्रकार वार्ता के दौरान संघ के प्रदेशाध्यक्ष सुनील शर्मा ने बताया कि एसएमसी अध्यापक संघ द्वारा शिक्षा सचिव को एसएमसी अध्यापकों द्वारा नियमित करने के संदर्भ में अल्टीमेटम दिया गया है। संघ ने कहा कि 2555 एसएमसी अध्यापक 2012 से निरंतर प्रदेश के विद्यालयों में अपनी सेवाएं दे रहे हैं और सरकार द्वारा कोई भी नीति न बनने के कारण अभी तक शोषण के शिकार हो रहे हैं, जबकि अन्य सभी अस्थाई अध्यापक पीटीए, पैट, पैरा व उर्दू पंजाबी पीरियड आधार तथा तकनीकी शिक्षा में पीरियड आधार शिक्षकों को कम अंतराल में ही नियमित किया जा चुका है। एसएमसी अध्यापक बहुत ही कम वेतन में शिक्षा विभाग में सभी कर्तव्यों का निर्वहन कर रहे हैं और प्रदेश के सैकड़ों विद्यालय सिर्फ और सिर्फ एसएमसी शिक्षकों के ही सहारे चल रहे हैं। एसएमसी अध्यापकों द्वारा शिक्षा विभाग को यह अल्टीमेटम दिया गया है कि 30 सितंबर तक एसएमसी अध्यापकों को नियमित नीति में लाया जाए, अन्यथा 2 अक्तूबर से ही एसएमसी अध्यापक मजबूरन अपने परिवार और बच्चों सहित सत्याग्रह, धरना-प्रदर्शन पैन डाउन स्ट्राइक करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। इस संदर्भ में एसएमसी अध्यापकों ने विश्वास जताते हुए कहा कि सरकार ने हमें गंभीरता से सुना और सरकार हमें नियमित करेगी। मुख्यमंत्री ने भी हमें आश्वासन दिया है कि एसएमसी अध्यापकों को सितंबर माह तक नियमित किया जाएगा। इस मौके पर अध्यक्ष सुनील शर्मा, उपाध्यक्ष निर्मल ठाकुर, महासचिव बेला राम वर्मा,सचिव वेद प्रकाश ठाकुर, और सुरेश चौहान उपस्थित रहे।
निवेशकों ने टीएचडीसीआईएल की कारपोरेट बॉन्ड सीरीज के बेस साइज VIII से नौ गुना ओवर सब्सक्राइबिंग के साथ जताया भरोसा ऊर्जा क्षेत्र की अग्रणी कंपनी टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड ने टीएचडीसीआईएल कॉर्पोरेट बांड सीरीज VIII जारी कर 763 करोड़ रुपये सफलतापूर्वक जुटाकर एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर हासिल किया है। बांडों ने निवेशकों से काफी ब्याज हासिल किया, जिसके परिणामस्वरूप आधार मुद्दे के आकार में उल्लेखनीय 9 गुना ओवरस्क्रिप्शन हुआ, जिसकी राशि 2588 करोड़ रुपये हो गई। टीएचडीसीआईएल कॉर्पोरेट बांड सीरीज VIII, जिसमें 300 करोड़ रुपये के आधार आकार और 500 करोड़ रुपये के हरे जूते के विकल्प के साथ 10 साल के टेनर के साथ 800 करोड़ रुपये के कुल अंक प्राप्त किया। इसके माध्यम से एकत्र किए गए फंड का उपयोग टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड की चल रही और निर्माणाधीन परियोजनाओं के ऋण की आवश्यकताओं को आंशिक रूप से पूरा करने के लिए किया जाएगा, क्योंकि कंपनी अपने कार्यों का विस्तार जारी रख रही है। यह उपलब्धि टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड की वित्तीय स्थिरता और ऑपरेशनल प्रदर्शन में निवेशकों के विश्वास को मजबूत करती है। बीएसई-इलेक्ट्रॉनिक बोली प्लेटफॉर्म के माध्यम से खोज 7.76 प्रतिशत की प्रतिस्पर्धी कूपन दर THDCIL कॉर्पोरेट बॉन्ड में रखे गए विश्वास को और मजबूत करता है। इन बांडों को केयर और इंडिया रेटिंग्स दोनों से एए 'स्टेबल' की क्रेडिट रेटिंग मिली है, जिससे कंपनी की मजबूत क्रेडिट योग्यता पर प्रकाश डाला गया है। इस सफल बांड की बोली 11 सितंबर को THDCIL के कॉर्पोरेट ऑफिस ऋषिकेश में लगी। बहेरा, निदेशक (वित्त) और सीएफओ, एबी. गोयल, ईडी (वित्त), एके गर्ग, जीएम (वित्त), रश्मि शर्मा, कंपनी सचिव, और हेमलता अग्रवाल, बीएसई प्रमुख उत्तरी क्षेत्र, लिस्टिंग। आज, टीएचडीसीआईएल को एक श्रेणी-1 मिनी रत्न वर्ग-ए सेंट्रल पब्लिक सेक्टर अंडरटेकिंग (सीपीएसयू) के रूप में मान्यता प्राप्त है। कंपनी वर्तमान में 1587 मेगावाट ऊर्जा क्षमता का काम करती है, जिसमें हाइड्रो, हवा, और सौर ऊर्जा शामिल है, जिसमें हाइड्रो क्षमता में अतिरिक्त 1444 मेगावाट और उन्नत विकास चरणों के तहत औष्णिक शक्ति में 1320 मेगावाट है। टीएचडीसीआईएल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक आरके विश्नोई ने इस उपलब्धि पर अपनी संतुष्टि व्यक्त की और टीएचडीसीआईएल की पूरी टीम को बधाई दी। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि टीएचडीसीआईएल कारपोरेट बांड सीरीज के माध्यम से धन जुटाने में यह उल्लेखनीय उपलब्धि सभी को 24&7 सस्ती विद्युत उपलब्ध कराने के राष्ट्रीय उद्देश्य के प्रति कंपनी की अटूट प्रतिबद्धता को दर्शाती है। विश्नोई ने आगे कहा कि टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड जल विद्युत के अलावा सौर, पवन, ताप और पंप स्टोरेज संयंत्र (पीएसपी) जैसे विद्युत स्रोतों के सभी क्षेत्रों में तेजी से विकास और विविधीकरण के माध्यम से इस संगठनात्मक उद्देश्य को प्राप्त करने के लिए समर्पित है। विश्नोई ने कहा कि यह प्रतिबद्धता वित्तीय स्थिरता और परिचालन उत्कृष्टता को बनाए रखते हुए देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में टीएचडीसीआईएल की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित करती है।
वेद प्रकाश निवासी पलोग ने 11 सितंबर को कसौली थाने में चोरी होने की शिकायत की थी। शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि 7 सितंबर को वह अपने घर गांव पलोग जन्माष्टमी का त्योहार मानने के लिए गया था। 9 सितंबर को जब वह अपने गांव से वापस टिकटहट्टी आया तो उसने अपने कमरे की अलमारी से एक सोने की चेन, एक गिटार, एक चांदी की चौकी तथा चांदी के लड्डू गोपाल गायब पाए। इस सारे सामान की कीमत करीब 91,500 रुपये है। शिकायत पर थाना कसौली में चोरी की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया था। मामले की छानबीन के दौरान पुलिस चौकी गढ़खल द्वारा आरोपी शुभम (25) पुत्र ईश्वर निवासी गांव गढ़खल तहसील कसौली को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी को आज न्यायालय में पेश किया जाएगा। जहां से इसका पुुलिस रिमांड हासिल किया जाएगा।
भारत के निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार जिला सोलन के 50-अर्की, 51-नालागढ़, 52-दून, 53-सोलन (अजा) तथा 54-कसौली (अ.जा.) विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों के मतदान केंद्रों की सूचियों के लिए मांगे गए सुझाव के अनुरूप संशोधन बारे राजनीतिक दलों के साथ अतिरिक्त उपायुक्त सोलन अजय यादव ने आज यहां बैठक की। अजय यादव ने कहा कि विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों के मतदान केंद्रों की सूचियों के संदर्भ में कोई भी आपत्ति या सुझाव अथवा प्रस्तावना 8 सितंबर तक मांगी गई थी। उन्होंने कहा कि सुझावों के अनुरूप मतदान केंद्रों में संशोधन प्रस्तावों की जांच कर ली गई है। उन्होंने कहा कि 50-अर्की में 133 वर्तमान मतदान केंद्रों में से 3 मतदान केंद्र का अनुभाग तथा 3 मतदान केंद्र के भवन को बदला जाना है, 51-नालागढ़ में 115 वर्तमान मतदान केन्द्रों में से 2 मतदान केंद्र का अनुभाग तथा 3 मतदान केंद्र के भवन, 52-दून में वर्तमान 98 मतदान केंद्र में से 1 मतदान केंद्र का अनुभाग तथा 3 मतदान केंद्र के भवन, 53-सोलन(अजा) में वर्तमान मतदान केंद्र 128 में से 1 मतदान केन्द्र का अनुभाग तथा 9 मतदान केंद्र भवन और 54-कसौली(अजा) में वर्तमान 105 मतदान केंद्रों में से 1 मतदान केंद्र का अनुभाग तथा 6 मतदान केंद्रों का भवन बदला जाना है। बैठक में 50-अर्की में 1 नए प्रस्तावित मतदान केन्द्र, 51-नालागढ़ में 6 नए प्रस्तावित मतदान केंद्र, 52-दून में 2 प्रस्तावित मतदान केंद्र, 53-सोलन (अजा) में 2 नए प्रस्तावित मतदान केंद्र तथा 54-कसौली(अजा) में 2 नए प्रस्तावित मतदान केंद्र बनाने पर चर्चा की गई। बैठक में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के शिवदत्त ठाकुर, संधीरा दत्ता, हितेश कुमार शर्मा, रूपेंद्र कौर, तारा रघुवंशी, शारदा, मधु ठाकुर, कंचन राणा, भारतीय जनता पार्टी के चंद्रकांत, आम आदमी पार्टी की रीता ठाकुर तथा भरत ठाकुर सहित तहसीलदार निर्वाचन राजेश शर्मा, नायब तहसीलदार निर्वाचन दीवान ठाकुर उपस्थित थे।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा श्रम एवं रोजगार मंत्री कर्नल डॉ. धनीराम शांडिल 12 सितंबर सोलन के प्रवास पर आ रहे हैं। डॉ. शांडिल प्रात: 11 बजे सोलन ज़िला के कंडाघाट मिनी सचिवालय में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की प्रदर्शनी एवं बिक्री का शुभारंभ करेंगे। स्वास्थ्य मंत्री तदोपरांत दोपहर 2 बजे मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के साथ सोलन प्रवास में उपस्थित रहेंगे।
आयुष्मान भव: इन्टेन्सफाइड इंद्रधनुष कार्यक्रम को लेकर समीक्षा बैठक अतिरिक्त उपायुक्त सोलन अजय यादव की अध्यक्षता में आयोजित की गई। अजय यादव ने कहा कि कहा कि आयुष्मान भव: कार्यक्रम विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं के बारे में लोगों को जागरूक करने तथा ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में महत्वपूर्ण स्वास्थ्य देखभाल सेवाओं को संतृप्त करने के लिए एक व्यापक पहल है। उन्होंने कहा कि जिला सोलन में 13 सितंबर को आयुष्मान भव: अभियान का शुभारंभ किया जाएगा। उन्होंने कहा कि आयुष्मान भव: अभियान की गतिविधियां 17 सितंबर से सोलन ज़िला के विभिन्न स्थानों पर आरंभ की जाएगी। अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि आयुष्मान भव: अभियान के अंतर्गत 17 से 23 सितंबर तक आयुष्मान आपके द्वार 3.0, आयुष्मान मेला तथा 2 अक्तूबर को आयुष्मान सभा आयोजित की जाएगी। उन्होंने कहा कि आयुष्मान आपके द्वार 3.0 कार्यक्रम में स्वास्थ्य कार्ड बनाए जाएंगे तथा स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं द्वारा घर-घर जाकर बीपी, मधुमेह, क्षय रोग, कुष्ठ रोग इत्यादि बीमारियों की स्क्रीनिंग की जाएगी। उन्होंने कहा कि आयुष्मान मेले के दौरान शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर विभिन्न बीमारियों की जांच की जाएगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आयुष्मान भव: अभियान के तहत विभिन्न कार्यक्रमों के सफल आयोजन के लिए उचित दिशा-निर्देश दिए। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी सोलन डॉ. राजन उप्पल, क्षेत्रीय अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एसएल वर्मा, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. गगन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।


















































