हिमाचल में दूध के साथ-साथ अब घी,पनीर,बटर भी महंगा हो गया हैं। मिल्क फेडरेशन की ओर से दूध के दामों में की गई बढ़ोतरी के बाद कीमतों में ये उछाल देखने को मिला है। फरवरी माह में दूध के दामों में 2 रुपए की बढ़ोतरी करने के बाद अब मिल्क फेडरेशन ने मिल्क प्रोडक्ट्स के भी दाम बढ़ा दिए हैं। दाम बढ़ने से लोगों को अब अपनी जेब थोड़ी और ढीली करनी पड़ेगी। वहीं, घी के दामों में 50 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। घी की कीमत पहले 620 रुपये थी, नई कीमत पर अब घी 670 रुपये प्रति किलो के हिसाब से मिलेगा। वहीं, पनीर 360 रूपए प्रति किलो के हिसाब से मिल रहा है। पहले पनीर 340 रुपये प्रति किलो के हिसाब से मिलता था। इसमें भी 20 रुपये का इजाफा किया गया है। इसके साथ ही बटर 580 रुपये प्रति किलो के हिसाब से मिलना शुरू हो गया है। पहले इसकी कीमत 540 रुपये प्रति किलो थी। बटर की कीमतों में भी 40 रुपये प्रति किलो के हिसाब से बढ़ोतरी की गई है। कीमतें 20 जून से लागू कर दी गई हैं। हिमाचल में मिल्क फेडरेशन के छह प्लांट हैं। मुख्य प्लांट शिमला के दतनगर में स्थित है। इस प्लांट में चिलिंग सेंटर से दूध एकत्रित किया जाता है। यहां से प्रतिदिन दूध, घी , पनीर और बटर प्रोसेस कर लोगों को उपलब्ध करवाया जाता है। वहीं, अब दूध, घी, पनीर,बटर के दामों में बढ़ोतरी से आम लोगों की जेब पर महंगाई की मार जरूर पड़ी हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि 'फेडरेशन ने पिछले वर्ष मार्च माह में दूध के दाम बढ़ाए थे, लेकिन इस बार तो फरवरी माह में ही दूध के दामों में वृद्धि कर दी थी। अब घी,पनीर, बटर के दाम भी बढ़ा दिए हैं। दाम के साथ दूध की गुणवत्ता को भी बढ़ाना चाहिए।
** प्रदेश में अब प्री प्राइमरी टीचर के भरे जाएंगे 6297 पद हिमाचल में सरकारी स्कूलों में नौकरियों का पिटारा खुलने जा रहा है। प्रदेश में दो साल की नर्सरी टीचर की ट्रेनिंग (NTT) का डिप्लोमा करने वालों को सरकारी स्कूलों में नौकरी पाने का सुनहरा अवसर मिलने वाला है। प्रदेश सरकार सरकारी स्कूलों में प्री प्राइमरी टीचरों के 6,297 पद भरने जा रही है। ये भर्ती राज्य इलेक्ट्रॉनिक्स कॉर्पोरेशन के माध्यम से की जाएगी। इस बारे में सरकार की तरफ से प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय को पत्र जारी किया जा चुका हैं। ऐसे में अब जल्द ही जरूरी प्रक्रिया को पूरी कर प्री प्राइमरी टीचरों की भर्ती की जाएगी। हिमाचल में अब नर्सरी टीचर की ट्रेनिंग करने वालों का इंतजार खत्म होने वाला है। प्रदेश के प्री प्राइमरी स्कूलों में करीब 60 हजार विद्यार्थी रजिस्टर हैं, लेकिन अभी तक प्री प्राइमरी स्कूलों में टीचर नहीं है। पिछले करीब डेढ़ सप्ताह पहले संपन्न हुई कैबिनेट मीटिंग में प्री प्राइमरी स्कूलों में भर्ती को हरी झंडी दी गई थी, जिसके बाद अब शिक्षा विभाग ने भी इनकी भर्ती को लेकर आदेश जारी कर दिए है। सरकारी स्कूलों में भर्ती होने वाले प्री प्राइमरी टीचरों को 10 हजार रुपए मासिक मानदेय मिलेगा। इसमें एजेंसी चार्जेज, जीएसटी, अन्य खर्च शामिल है। इलेक्ट्रॉनिक्स कॉर्पोरेशन वर्तमान में 5 फीसदी एजेंसी चार्ज लेता है। वहीं, 10 फीसदी की कटौती ईपीएफ के लिए होती है। आउटसोर्स भर्ती पर जीएसटी 18 फीसदी है। ऐसे में प्री प्राइमरी टीचरों को हर महीने करीब 7 हजार कैश इन हैंड मिलेगा। बता दें कि प्रदेश में दो सालों से प्री प्राइमरी टीचरों की भर्ती लटकी हुई थी। प्रदेश में अधिकतर युवाओं ने एनटीटी का एक साल का डिप्लोमा किया है, लेकिन नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन के मुताबिक एनटीटी के लिए 2 साल का डिप्लोमा जरूरी है।अब इसे लेकर स्पष्टीकरण मिलने के बाद प्री प्राइमरी टीचरों की भर्ती में अटका रोड़ा हट गया है।
हिमाचल में इन दिनों नशा तस्करी के मामले बढ़ते जा रहे हैं। नशा हिमाचल प्रदेश के लिए एक गंभीर समस्या बन चुका है। अब महिलाएं भी इस काले कारोबार में उतर गई हैं। राजधानी में शिमला पुलिस ने नशा तस्करों पर लगाम लगाने के लिए मुस्तैदी से काम कर रही है, लेकिन पुलिस और सरकार के ये प्रयास नाकाफी साबित हो रहे हैं। ताजा मामले में शिमला पुलिस की स्पेशल सेल की टीम ने क्रॉसिंग के पास एक गाड़ी को रोका। जांच के दौरान गाड़ी में सवार अजय कुमार और महिला कुमारी अचला के कब्जे से 12.24 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ है। पुलिस ने इन दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को पहले ही गुप्त सूचना मिल गई थी कि क्रॉसिंग के समीप एक गाड़ी में एक महिला और पुरुष चिट्टा तस्करी कर रहे हैं। पुलिस की स्पेशल सेल टीम ने टूटीकंडी क्रॉसिंग के पास गाड़ी सवार दोनों को चिट्टे के साथ पकड़ा। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनसे पूछताछ जारी है कि वह चिट्टा कहां से लाए थे और किसे सप्लाई करने जा रहे थे। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि उन्होंने अब तक कितने लोगों को चिट्टा सप्लाई किया है और कौन-कौन लोग उनके साथ इस नशा तस्करी के धंधे में शामिल हैं। शिमला के एसपी संजीव गांधी के अनुसार नशा तस्करों के खिलाफ पुलिस कड़ी कार्रवाई कर रही है। नशा तस्करों के खिलाफ चलाई जा रही मुहिम में पुलिस को कई मामलों में सफलता मिली है। किसी भी नशा तस्कर को पुलिस बख्शेगी नहीं। पुलिस ऐसे मामलों को लेकर हर समय चौकसी बरत रही है।
**एक हफ्ते तक भारी बारिश की दी चेतावनी **लोगों को नदी-नालों के किनारे ना जाने की दी हिदायत **शिमला, सोलन और अन्य इलाकों में बीती रात से ही बारिश का दौर जारी हिमाचल प्रदेश में मौसम विभाग केंद्र शिमला की ओर से जारी किए गए ताजा पूर्वानुमान के तहत प्रदेश में 8 जुलाई तक भारी बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा, सोलन, सिरमौर, चंबा, कुल्लू, मंडी व शिमला के लिए बारिश की चेतावनी जारी की है। इस दौरान कई इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की भी संभावना है। बारिश की संभावना के चलते पर्यटकों सहित आम लोगों को नदी-नालों के किनारे ना जाने की हिदायत दी गई है। बारिश के बाद जगह-जगह लैंडस्लाइड हो रहे हैं तो वहीं बिजली ट्रांसफार्मर भी ठप है। इसके अलावा शिमला सहित सोलन और अन्य इलाकों में बीती रात से ही बारिश का दौर जारी है।
**राज्य सरकार ने मेधावियों को पुरस्कृत करने की योजना में किया बदलाव हिमाचल प्रदेश के स्कूल-कॉलेजों के 10,000 मेधावी इस बार अपनी पसंद का कोई भी एक इलेक्ट्रॉनिक गैजेट ले सकेंगे। दसवीं, बारहवीं और कॉलेजों के मेधावियों को पुरस्कृत करने की योजना में राज्य सरकार बदलाव करने जा रही है। चयनित दुकानों से 15 से 18 हजार रुपये तक के पसंदीदा गैजेट लेने को मेधावियों को कूपन दिए जाएंगे। कौन-कौन से गैजेट योजना में शामिल होंगे, इस पर उच्च शिक्षा निदेशालय विचार कर रहा है। राज्य इलेक्ट्राॅनिक्स काॅरपोरेशन के माध्यम से गैजेट्स की कॉन्फ़िगरेशन तय करवाई जाएगी। योजना के तहत टैबलेट, स्मार्टफोन, आईपैड और किंडल देने का अभी प्रारंभिक स्तर पर विचार चल रहा है। एक माह के भीतर योजना तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। स्कूल शिक्षा बोर्ड के नतीजों में अव्वल रहने वाले दसवीं और बारहवीं कक्षा तक और कॉलेजों में फर्स्ट, सेकेंड और थर्ड ईयर के 10 हजार विद्यार्थियों को सरकार हर साल पुरस्कृत करती है। वर्ष 2007 में तत्कालीन धूमल सरकार के समय में लैपटॉप देने के साथ इस योजना को शुरू किया गया था। 2012 में वीरभद्र सरकार ने इस योजना को जारी रखते हुए विद्यार्थियों की संख्या का दायरा इस योजना में बढ़ाया। 2017 में जयराम सरकार योजना को बंद करने और जारी रखने की पसोपेश में फंसी रही। बाद में सरकार ने योजना जारी रखते हुए लैपटॉप दिए। बाद में टैबलेट दिए गए। अब सुक्खू सरकार योजना में बड़ा बदलाव करने जा रही है। इलेक्ट्राॅनिक्स गैजेट्स की एक बास्केट तैयार करने का फैसला लिया गया है। इस बास्केट के तहत कई गैजेट्स शामिल किए जाएंगे। मेधावी विद्यार्थियों को सरकार सम्मानित करते हुए एक कूपन देगी। इस कूपन के माध्यम से मेधावी अपनी पसंद की कंपनी का गैजेट ले सकेंगे। इसके तहत कंपनियों और दुकानों को चयनित किया जाएगा। उच्च शिक्षा निदेशालय इन दिनों गैजेट्स की बास्केट में शामिल करने वाली चीजों को चुनने में जुटी है। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. अमरजीत कुमार शर्मा और इलेक्टानिक्स कारपोरेशन के प्रबंध निदेशक निपुण जिंदल ने बताया कि जल्द ही प्रस्ताव तैयार कर सरकार की मंजूरी को भेजा जाएगा। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि 15 से 18 हजार की कीमत के गैजेट्स देने पर विचार चल रहा है। क्या राशि तय होगी, इसको लेकर मंथन जारी है। अगर कोई मेधावी तय राशि से अधिक कीमत का गैजेट लेना चाहेगा तो इसकी मंजूरी मिलेगी। कूपन के तहत तय राशि के अलावा शेष राशि मेधावी को स्वयं दुकानदार को देनी होगी।
**सड़क सुरक्षा नियमों की सख्ती से अनुपालना हो सुनिश्चित: एडीसी धर्मशाला: अतिरिक्त उपायुक्त सौरभ जस्सल ने कहा कि जिला में सड़क सुरक्षा के नियमों का सख्ती से पालन किया जाए ताकि प्रतिदिन जिला में होने वाली दुर्घटनाओं को और कम किया जा सके। उन्होंने संबन्धित विभागों से युवा पीढ़ी को सड़क सुरक्षा तथा नशे की बुराईयों के बारे में जागरूक करने हेतु विद्यालयों एवं महाविद्यालयों में विशेष जागरूकता अभियान चलाने के भी निर्देश दिए। बीते रोज जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक की अध्यक्षता हुई। और सड़क हादसों को रोकने के लिए जागरूकता जरूरी है, इस के लिए नियमित तौर पर चालकों के आंखों के चेकअप कैंप, ड्राइविंग ट्रेनिंग स्कूल में बेहतर प्रशिक्षण की व्यवस्था के साथ साथ युवक मंडलों को यातायात नियमों की जानकारी देना जरूरी है। उन्होंने कहा कि ओवर स्पीड की पूरी तरह से निगरानी की जाए। पंपलेंट्स के माध्यम से सरकारी तथा निजी क्षेत्र के कर्मचारियों को भी यातायात नियमों के बारे में अवगत करवाया जाए। उन्होंने कहा कि सड़कों पर यातायात से संबंधित साइन बोर्ड भी जगह जगह प्रदर्शित किए जाएं इस के साथ दुर्घटना संभावित जगहों की शिनाख्त कर वहां पर भी साइन बोर्ड लगाए जाएं ताकि किसी भी स्तर पर दुर्घटनाओं की आशंका नहीं रहे। उन्होंने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं में घायलों की सहायता के लिए लोगों को प्रेरित करने के उद्देश्य से ‘गुड स्मार्टियंस’ नामक योजना आरंभ की गई है। इसमें सड़क दुर्घटना में पीड़ित को हादसे के तुरंत बाद शुरुआती एक घंटे के भीतर ‘गोल्डन आवर’ में अस्पताल पहुंचा कर उसकी जान बचाने का प्रयास करने वाले लोगों को प्रशस्ति पत्र तथा नकद पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। इससे पहले आरटीओ प्रदीप कुमार ने मुख्यातिथि का स्वागत करते हुए रोड सेफ्टी को लेकर कांगड़ा जिला में उठाए गए कदमों के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हितेश लखनपाल तथा लोक निर्माण विभाग, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग के अधिकारियों सहित स्वयं सेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे।
हिमाचल के मंडी जिले में सराज विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत अनाह में मूसलाधार बारिश के कारण नाले में बाढ़ आ गई। लोग खुद ही मलबा हटाने में जुटे हैं। जानकारी के अनुसार बीती रात को हुई मूसलाधार बारिश के कारण अनाह के एक नाले में बाढ़ आने से मलबा एक घर को नुकसान पहुंचाने के साथ-साथ कार और कुछ बाइकों को भी नुकसान पहुंचा। स्थानीय लोगों ने कहा कि नाले के साथ लगते कुछ अन्य घरों पर भी खतरा बना हुआ है।
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में पंडोह डैम के पास लगभग 40 करोड़ की लागत से डंगा लगाकर करीब आठ महीने बाद बहाल हुए चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे पर एक बार फिर से खतरे के बादल मंडराने लगे हैं। डंगा लगाकर तैयार किया गया नेशनल हाईवे एक बार फिर से धंसने की कगार पर आ गया है। हाईवे पर दरारें पड़ना शुरू हो गई हैं, जोकि धीरे-धीरे बढ़ती जा रही हैं। हालांकि अभी यातायात पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा है। जहां-जहां दरारें आई हैं, वहां-वहां स्थानीय लोगों ने पत्थर रखकर खतरे के संकेत चिहिन्त कर दिए हैं। पंडोह डैम के पास बीती बरसात में यह हाईवे पूरी तरह से जमींदोज हो गया था, जिसे बहाल में करने में करीब आठ महीनों का लंबा समय लग गया था। इस दौरान ट्रैफिक पंडोह डैम के पास से एक अन्य वैकल्पिक मार्ग से गुजारा गया। यदि यहां पर यह सड़क क्षतिग्रस्त होती है तो दोबारा से इसी सड़क मार्ग का सहारा लेना पड़ सकता है। बरसात की पहली बारिश में ही इतने बड़े डंगे के धंसने के बाद चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। निर्माण कार्य और डंगे की गुणवता पर लोग सवाल खड़े कर रहे हैं। एनएच पर कैंची मोड़ के पास भूस्खलन हो गया। इसकी जद में एक ट्रक आ गया है। यह ट्रक खराब होने के चलते यहां खड़ा किया गया था। मलबे की चपेट में आने से ट्रक को नुकसान पहुंचा है। डंगा धंसने के कारण हाईवे के बंद होने का खतरा भी मंडराने लगा है। हालांकि, अभी यहां पर एकतरफा यातायात बहाल है लेकिन सड़क पर बड़ी-बड़ी दरारें आ गई हैं, जिस कारण हाईवे के और ज्यादा क्षतिग्रस्त होने की सम्भावना बन गई है। यदि हाईवे यहां बंद होता है तो एक बार फिर कुल्लू मनाली आने जाने वालों को परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में वैकल्पिक मार्गों के अलावा और कोई विकल्प शेष नहीं रह जाएगा। लेकिन पंडोह और इसके साथ लगते इलाकों के लोगों को मंडी तक पहुंचना मुश्किल हो जाएगा। यहां के बहुत से लोग रोजमर्रा के कार्यों के लिए मंडी आते-जाते हैं। स्कूल और कॉलेज के बच्चे बड़ी संख्या में रोज इस हाईवे पर सफर करते हैं।
भाजपा प्रत्याशी आशीष शर्मा ने आज मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर बयान दिया कि मुख्यमंत्री का हमीरपुर में स्वागत करते हैं, लेकिन मुख्यमंत्री हमें यह बताएं कि उन्होंने पिछले 16 महीने में हमीरपुर के लिए क्या किया। अब उपचुनावों में उन्हें हमीरपुर की याद आई और अब दिन में चार चार जनसभाएँ कर रहे हैँ, लेकिन इससे पहले मुख्यमंत्री महज दो से तीन बार ही हमीरपुर आए पर विकास के नाम पर हमीरपुर को कुछ नहीं दिया। शर्मा ने कहा कि जिस बस अड्डा का रोना वह हर जगह रो रहे हैं उसका शिलान्यास भी तब किया जब राज्यसभा के चुनाव वाला एपिसोड हुआ। आशीष शर्मा ने पूछा है कि पिछले 16 महीने में जितने भी हमीरपुर विधानसभा के विकास के हित में काम किए वो बताएं ? जो घोषणाएं की उनमें से एक भी काम को मुख्यमंत्री ने पूरा नहीं किया और अब किस मुंह से वह हमीरपुर में आ रहे हैं और लोगों से वोट मांग रहे हैं। इन 16 महीने में जो काम बीजेपी ने शुरू किए हैं या जो योजनाएं भाजपा ने पहले से चला रखी हैं उनके अलावा कांग्रेस ने कौन सी योजना या विकास कार्य हमीरपुर विधानसभा में शुरू किए हैं। आशीष शर्मा ने कहा मुख्यमंत्री आज जनसभा को संबोधित करते हुए जो अपने वक्तव्य दे रहे हैं वह सब झूठ का पुलिंदा है।आशीष शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री हमीरपुर की जनता को बस गुमराह कर रहे हैं और इसके अलावा कुछ नहीं कर रहे हैं। आशीष शर्मा ने मंगलवार को हमीरपुर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम केंद्र धनेड के तहत बलोनी, किरवीं, चंगर आदि क्षेत्रों में नुक्कड़ सभाओं को संबोधित करते हुए बताया की मुख्यमंत्री ने सिर्फ हमीरपुर की जनता को गुमराह किया है इसके अलावा कुछ नहीं किया है और इसका जवाब जनता पूरे जोर-शोर से इस इलेक्शन में देगी।
ज़िला सोलन में फसलों का बीमा करवाने के लिए पुर्नोत्थान प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना क्रियान्वित की जा रही है। मक्की व धान की फसल का बीमा करवाने की अन्तिम तिथि 15 जुलाई, 2024 निर्धारित की गई है। यह जनाकरी कार्यकारी कृषि उप निदेशक सोलन डॉ. सीमा कंसल ने दी। उन्होंने बताया कि टमाटर की फसल का बीमा करवाने की अन्तिम तिथि 31 जुलाई, 2024 निर्धारित की गई है। डॉ. सीमा कंसल ने बताया कि इच्छुक किसान फसलों का बीमा अपने नज़दीकी लोकमित्र केन्द्र के माध्यम से करवा सकते हैं। किसान अपनी जमाबन्दी, आधार कार्ड, बैंक पास बुक, बिजाई प्रमाण पत्र आदि लेकर लोकमित्र केन्द्रों में जा कर बीमा करवा सकते है। किसान ऑनलाईन पोर्टल के माध्यम से भी फसल आवेदन कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि मक्की व धान की फसल के लिए 60 हजार रुपये प्रति हैक्टेयर बीमित राशि निर्धारित की गई है। मक्की तथा धान की फसल का बीमा करवाने के लिए किसानों को 96 रुपये प्रति बीघा प्रीमियम राशि अदा करनी होगी। इसके अलावा टमाटर की फसल के लिए 02 लाख रुपये प्रति हैक्टेयर बीमित राशि निर्धारित की गई है। किसानों को टमाटर की फसल के लिए 800 रुपये प्रति बीघा प्रीमियम राशि अदा करनी होगी। पुर्नोत्थान प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत कम वर्षा, सूखा, बाढ़, सैलाब, भूमि कटाव, ओलावृष्टि और फसल कटाई के उपरांत दो सप्ताह तक होने वाले नुकसान तथा स्थानीयकृत आपदा को कवर किया जाता है। उन्होंने बताया कि ऋणी किसानों के लिए यह योजना ऐच्छिक की गई है। उन्होंने आग्रह किया कि किसान अपनी मक्की, धान व टमाटर की फसल का बीमा करवाएं ताकि फसलों का नुकसान होने की स्थिति में उन्हें कृषि बीमा कम्पनियों से मुआवज़ा मिल सके। उन्होंने बताया कि अधिक जानकारी के लिए किसान अपने नज़दीकी खण्ड के कृषि विषय वाद विशेषज्ञ तथा बीमा कम्पनी के प्रतिनिधि से सम्पर्क कर सकते है।
** धर्मशाला के डीसी कार्यालय के सभागर में दिया प्रशिक्षण देहरा विस उपचुनाव के दृष्टिगत मतदान प्रक्रिया को लेकर माइक्रो आब्सर्जवर्स को धर्मशाला के डीसी कार्यालय के सभागार में प्रशिक्षण दिया गया इसमें सामान्य पर्यवेक्षक इजरायल वात्रे इंगटी, एडीएम डा हरीश गज्जू, नोडल आफिसर प्रशिक्षण संदीप शर्मा, नायब तहसीलदार संजय कुमार, अधीक्षक सुरेंद्र सिंह सहित निर्वाचन विभाग के अधिकारी उपस्थित थे। इस अवसर पर ने सामान्य पर्यवेक्षक इजरायल वात्रे इंगटी ने बताया कि निष्पक्ष तथा स्वतंत्र निर्वाचन के लिए मतदान तथा मतगणना के दौरान पोलिंग बूथों पर माइक्रो आब्जर्वर तैनात किए जाएंगे जो कि पूरी मतदान एवं मतगणना प्रक्रिया पर नजर रखेंगे। उन्होंने कहा कि माइक्रा आब्जर्सवर को मतदान के कम से कम एक घंटे पहले पोलिंग बूथ पर पहुंचना जरूरी होगा तथा मॉक पोल में भी उपस्थिति जरूरी है। इसके साथ ही कम्यूनिकेशन प्लान भी तैयार करना होगा ताकि पोलिंग बूथों में मतदान प्रक्रिया की सही जानकारी समयबद्व दी जा सके। इस अवसर पर माइक्रो आब्सर्जवर को वीपीपैट तथा ईवीएम के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई। इससे पहले नायाब तहसीलदार इलेक्शन ने विस्तार से माइक्रो आब्सर्जवर की मतदान प्रक्रिया में भूमिका तथा चुनाव आयोग के दिशा निर्देशों के बारे में जानकारी प्रदान की गई। इस अवसर पर दस माइक्रो आब्जर्बर को प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय और कोयला मंत्रालय में सदस्य डॉ. रीता सिंह ने आज यहां राजभवन में राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल से भेंट की। यह एक शिष्टाचार भेंट थी। इस दौरान उन्होंने हिमाचल प्रदेश के मंदिरों में पुरानी लिपियों और साहित्य के उन्नयन और संरक्षण के संदर्भ में राज्यपाल से विचार-विमर्श किया। उन्होंने राज्यपाल को ‘साहित्य का धर्म’ पुस्तक भी भेंट की।
देहरा विधानसभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी होशियार सिंह चुनाव प्रचार में जुटे हुए हैं। उन्होंने कहा कि सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू, देहरा उपचुनाव में जनता को सब्जबाग दिखा रहे हैं, चुनावी बेला में लोक लुभावने वादे करने वाले सीएम बताएं कि इससे पहले उन्हें देहरा की याद क्यों नहीं आई। उन्होंने आरोप लगाया कि सुक्खू सरकार में आजाद और भाजपा विधायकों के तो छोड़िये, पार्टी के अपने कांग्रेस विधायकों के भी काम नहीं हो रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में पति-पत्नी और मित्रों की सरकार चल रही है। चहेतों को रेवड़ियां बांटी जा रही हैं और जरूरतमंदों को अनदेखा किया जा रहा है। होशियार सिंह ने कहा कि सीएम सुक्खू तो झूठ पर झूठ बोल ही रहे थे, अब देहरा से कांग्रेस प्रत्याशी एवं सीएम की धर्मपत्नी भी उनसे पीछे नहीं हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस प्रत्याशी देहरा की ध्याण की बात कहकर देहरा की जनता को भ्रमित कर रही हैं, लेकिन देहरा की जनता ने पिछले दो चुनावों में धरती पुत्र का साथ दिया है और इस बार भी देगी। उन्होंने कहा कि सीएम ने तमाम कांग्रेस नेताओं की फौज को देहरा में तैनात कर दिया है। यही नहीं अधिकारियों से पल-पल की खबर ली जा रही है कि भाजपा का प्रचार कैसा चल रहा है। यदि सीएम को लगता है कि वे पंद्रह महीने में ही लोकप्रिय हो चुके हैं तो फिर क्यों खुद बार-बार देहरा के चक्कर लगा रहे हैं और क्यों वरिष्ठ नेताओं का डेरा, देहरा में जमा दिया है। होशियार सिंह ने कहा कि देहरा कोई नहीं तेरा का नारा पूर्व में दिया जाता था, जिसे मैंने तोड़ते हुए देहरा को अपनाया और विकास को गति दी, लेकिन वर्तमान सरकार ने देहरा के विकास को विराम लगा दिया है, जिसका बदला, देहरा की जनता उपचुनाव में जरूर लेगी।
**107 वर्षीय मिल्खी राम ने डाला वोट, युवाओं को किया प्रेरित देहरा में विधानसभा उपचुनावों के मध्यनजर निर्वाचन आयोग की टीमें पिछले चार दिन से लगातार बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं के घरों में जाकर उनका वोट डलवा रही है। रिटर्निंग अधिकारी एसडीएम देहरा शिल्पी बेक्टा ने बताया कि देहरा विधानसभा क्षेत्र में अभी तक 570 मतदाताओं ने घर से मतदान किया है। घर से मतदान करने वालों में 85 वर्ष से अधिक आयु के 491 मतदाता और 79 दिव्यांग मतदाताओं ने अभी तक अपना वोट डाला है। इसके लिए चुनाव आयोग की दस टीमें घर-घर जाकर पूरी गोपनीयता से होम वोटिंग करवा रही हैं। 64 प्रतिशत पात्र मतदाताओं ने डाला वोट रिटर्निंग अधिकारी ने बताया कि 6 जुलाई तक चलने वाले होम वोटिंग के इस अभियान में अभी तक 64 प्रतिशत से अधिक पात्र मतदाताओं ने अपना वोट डाल दिया है। उन्होंने बताया कि देहरा निर्वाचन क्षेत्र में बुजुर्ग और दिव्यांग मतदाताओं की कुल संख्या 2042 है। क्षेत्र में फॉर्म 12 (डी) के माध्यम से 947 लोगों ने होम वोटिंग का विकल्प चुना था, जिनमें से 889 के फॉर्म वैध पाए गए। इनमें 742 बुजुर्ग और 147 दिव्यांग मतदाता शामिल हैं। बुजुर्ग भर रहे युवाओं में उत्साह होम वोटिंग का विकल्प चुनने वाले पात्र मतदाता वोट डालने के लिए खासे उत्साहित दिख रहे हैं। 742 पात्र बुजुर्ग मतदाताओं में से 491 ने अपना वोट डाल दिया है। बड़ी संख्या में मतदान करके बुजुर्ग मतदाता युवाओं को वोट डालने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। इस दौरान निर्वाचन आयोग की टीम ने देहरा विधानसभा क्षेत्र के घरथेड़ू में 107 वर्षीय मिल्खी राम के घर में जाकर पूरी गोपनियता से उनका मतदान करवाया। मिल्खी राम ने जहां एक तरफ चुनावों में सबकी भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए निर्वाचन आयोग के प्रयासों की सराहना, वहीं सभी लोगों विशेषकर युवाओं को बड़ी संख्या में मतदान करने के लिए प्रेरित किया।
शिमला की मंडियों में सेब ने दस्तक देनी शुरू कर दी है। अर्ली वैरायटी का मंडी में पहुंचना शुरू हो गया है । मंगलवार को रेड जून और टाइडमैन सेब लेकर बागवान भट्टाकुफर फल मंडी पहुंचे। हालांकि सेब कच्चा होने के चलते बागवानों को सेब के अच्छे दाम नही मिल रहे है। मंडी में आठ बॉक्स सेब के पहुचे जहां हाफ बॉक्स 350 रुपए में बिका। इसके अलावा नाशपाती सहित अन्य स्टोन फ्रूट भी मंडी में आ रहे है जिसके अच्छे दाम बागवानों को मिल रहे है। आने वाले दिनों में सेब सीजन रफ्तार पकड़ेगा। 15 जुलाई के बाद ही सेब सीजन पूरी तरह से शुरू होता है। और इस साल से सरकार द्वारा इस बार यूनिवर्सल कार्टन में सेब बेचने के निर्देश जारी किए है और अन्य किसी बॉक्स में बागवान सेब नही बेच पाए है। लेकिन अभी तक बागवानों को यूनिवर्सल कार्टन बाजार में नही पहुंचा है ओर न ही सरकार इसको लेकर कोई व्यवस्था कर पाई है। ऐसे में बागवान परेशान हो रहे है। अभी बागवान टेलीस्कोपी कार्टन में ही सेब मंडियों में लेकर आ रहे है। भट्टाकुफर फल मंडी के आढ़ती ज्ञान चन्द ने कहा कि नाशपाती और सेब ने मंडी में दस्तक देना शुरू कर दिया और आज मतियाणा से बागवान सेब लाकर पहुंचे हैं लेकिन बागवानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। खासकर प्रदेश सरकार द्वारा यूनिवर्सल कॉटन में सेब बेचने की व्यवस्था करने के फरमान तो जारी कर दिए लेकिन यूनिवर्सल कार्टन अभी फिलहाल बागवानों को नहीं मिल रहे हैं। बागवान फ्रूट अभी टेलीस्कोपी कार्टन में ही ला रहे है। जिला में एक दो दुकानों पर ही यूनिवर्सल कार्टन का दाम तय नही किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को चाहिए कि जल्द से जल्द यूनिवर्सल कार्टन बागवानों को उपलब्ध करवाया जाए और इसके दाम तय करवाए जाएं ताकि बागवानों को परेशान ना होना पड़े। बागवानों ने यूनिवर्सल कार्टन के सरकार के फैसले का स्वागत को तो किया लेकिन अभी मार्किट में यूनिवर्सल कार्टन न मिलने से बागवान निराश है। बागवानों का कहना है कि सरकार का ये फैसला अच्छा है लेकिन बाजार में कही ये कार्टन नही मिल रहा है। जिसके चलते उन्हें पुराने कार्टन में ही नाशपाती, सेब लेकर आना पड़ रहा है। बागवानों ने सरकार से जल्द यूनिवर्सल कार्टन की व्यवस्था करने की मांग सरकार से की।
इनर व्हील क्लब सोलन द्वारा दयानन्द आदर्श विद्यालय के कनिष्ठ विभाग में आज हाइजीन चेकअप कैंप का आयोजन किया गया। इस कैंप में डॉक्टर्स क्लब सदस्यों के साथ मिलकर छात्र व छात्रों की दाँतो की जाँच की व उनको ओरल हेल्थ के बारे में जानकारी दी। इस कैंप में विद्यालय की प्रधानाचार्य उमा मित्तल ने भाग लिया और बच्चो को इस कैंप की महत्ता बताई और इनर व्हील क्लब सोलन के सदस्यों का धन्यवाद किया।
**धर्मशाला के युवक को दिया शादी का झांसा **दुल्हन पहले से ही एक बच्चे की है माँ झालंधर की महिला ने धर्मशाला के एक युवक को पहले शादी के झांसे में फसाया और उसके बाद गहने और पैसे लेकर दुल्हन फरार हो गई| इतना ही नहीं लुटेरी दुल्हन के साथ पंजाब का एक गिरोह भी पूरी तरह से सक्रिय था, जो शादी करवाने के के नाम पर पहले ही युवक और उसके परिवार से डेढ़ लाख रुपए हड़प रफूचक्कर हो गया। पंजाब के लुधियाना में फ्रॉड शादी हुई, जबकि महिला पहले से ही शादीशुदा है और एक बच्चे की मां है। मिली जानकारी के अनुसार धर्मशाला के सकोह के युवक और उसका परिवार शादी के लिए रिश्ते तलाश कर रहा था। रिश्ते की तलाश करते करते युवक पंजाब के कुछ शातिरों के संपर्क में युवक आ गया, शातिरों ने उन्हें एक युवती से विवाह करवाने की बात कही। साथ ही कहा कि लड़की गरीब परिवार से हैं तो शादी का सभी खर्च भी आपको ही देना होगा। इसके बाद युवक व उनके परिवार ने डेढ़ लाख रुपए शादी से पहले ही दे दिए। युवक की पंजाब के लुधियाना में फ्रॉड मैरिज भी करवाई और इसी दौरान ही महिला व शातिर लोग गायब हो गए। कांगड़ा पुलिस ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है|
**पूर्व निर्दलीय विधायक ने किया कलंकित, मुख्यमंत्री से करवाना चाहते थे गलत काम **प्रदेश के मुखिया से घर में रोज पूछा करूंगी देहरा के लिए क्या किया कांग्रेस उम्मीदवार कमलेश ठाकुर ने कहा कि देहरा की जनता पूर्व निर्दलीय विधायक होशियार सिंह के राज और राग जानती है। उन्होंने देहरा को कलंकित किया है। उन्होंने विधायकी से इस्तीफा देकर ऐसा कलंक लगाया है, जिसे दस जुलाई को मिटाना जरूरी है। होशियार सिंह मुख्यमंत्री से गलत काम करवाना चाहते थे, लगातार अपने निजी कामों के लिए मिलते रहे, लेकिन मुख्यमंत्री ने जब मना कर दिया कि प्रदेश के साथ धोखा नहीं करूंगा तो पूर्व विधायक सरकार गिराने की साजिश रचने में जुट गए। कमलेश ठाकुर ने विधानसभा क्षेत्र में विभिन्न जगह नुक्कड़ सभाओं को संबोधित करते हुए ये बातें कहीं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री प्रदेश के भविष्य को संवारने के लिए काम कर रहे हैं, लेकिन पूर्व निर्दलीय विधायक कौन सा राग लगातार अलाप रहे थे देहरा की जनता भलीभांति जानती है। उनके राज भी लोगों से छिपे नहीं हैं। मुख्यमंत्री प्रदेश की युवा पीढ़ी व हितों से खिलवाड़ करने वाले काम कभी नहीं करते। होशियार सिंह ने अगर 14 महीने में निजी हित के बजाय जनहित को सर्वोपरि रखा होता तो देहरा आज कहां का कहां पहुंच गया होता। सड़कों की हाल दयनीय नहीं होती, अधूरे पूल पूरे होते, लोग पानी के लिए नहीं तरसते, लो वोल्टेज की समस्या हल हो चुकी होती। कमलेश ठाकुर ने कहा कि अब देहरा विकास में पीछे नहीं रहेगा। आपकी ध्याण रोज घर में मुख्यमंत्री से पूछेगी कि देहरा के लिए क्या किया। अब घर में देहरा, देहरा ही गूंजा करेगा। पूर्व निर्दलीय विधायक को अपने साढ़े छह साल के कार्यकाल का हिसाब जनता को देना होगा। साथ ही यह भी बताना पड़ेगा कि किस मजबूरी में 14 महीने में विधायक पद से इस्तीफा देकर दोबारा विधायक बनने का चुनाव लड़ रहे हैं। उनकी नाकामियों का पूरा हिसाब किताब जनता के सामने हैं। क्षेत्र की जनता बदलाव चाहती है और अपनी ध्याण को जिताकर विधानसभा भेजेगी। उन्होंने कहा, लोगों को पूरा विश्वास है कि देहरा की बेटी ही क्षेत्र का विकास करवा सकती है। इसलिए सभी मतदाताओं से उनकी अपील है कि 10 जुलाई को अधिक से अधिक संख्या में कांग्रेस के पक्ष में मतदान करें। यह चुनाव साढ़े तीन साल के लिए हो रहा है। जनता के पास कांग्रेस को परखने का मौका है। सरकार के साथ चलने से देहरा की तस्वीर बदल जाएगी। यह चुनाव कमलेश ठाकुर का नहीं देहरा की समस्त जनता का है। जनता ही यह चुनाव लड़ रही है, चूंकि उनके पास जनबल की ताकत है। अपनी ध्याण को वोट के रूप में इतना शगुन दें कि मायके का सिर ससुराल और प्रदेश में गर्व से ऊंचा हो।
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा की अध्यक्षता में नालागढ़ विधानसभा क्षेत्र के उप-चुनाव के दृष्टिगत एक मतदान केन्द्र में परिवर्तन करने को लेकर विभिन्न मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के साथ बैठक आयोजित की गई। नालागढ़ निर्वाचन क्षेत्र के मतदान केन्द्र 87 दत्तोवाल-2 जो राजकीय प्राथमिक पाठशाला दत्तोवाल (पश्चिमी भाग) में जर्जर हालत में स्थित था, स्कूल प्रशासन द्वारा गिरा दिया गया है। ऐसे में अब इस मतदान केन्द्र को राजकीय प्राथमिक पाठशाला दत्तोवाल के परिसर में ही स्थित दूसरे भवन में परिवर्तित करने पर राजनीतिक दलों के साथ विचार-विमर्श कर सहमति जताई गई। मनमोहन शर्मा ने इस अवसर पर उप-चुनाव को पारदर्शी व निष्पक्ष ढंग से सम्पन्न करवाने के लिए राजनीतिक दलों से सहयोग का आग्रह भी किया। इस अवसर पर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की संधीरा सीनु सिंह, भारतीय जनता पार्टी के चन्द्र कांत शर्मा, बहुजन समाज पार्टी के राकेश बराड़, आम आदमी पार्टी के भरत ठाकुर सहित तहसीलदार निर्वाचन सोलन ऊषा चौहान एवं निर्वाचन विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने आज यहां शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों एवं क्षेत्र की लम्बित मांगों के दृष्टिगत विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने कहा कि क्षेत्र का समग्र विकास सुनिश्चित करना उनकी प्रतिबद्धता है तथा अधिकारियों को सभी लम्बित कार्य को तय समय सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि जिन परियोजनाओं पर कार्य पूर्ण होने के करीब हैं, उन्हें प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जो ठेकेदार कार्यों को समयबद्ध पूर्ण करने में असमर्थ हैं या जिनके कार्यों की गुणवत्ता तय मानकों से कम पाई गई है, उन्हें विभाग द्वारा ब्लैक लिस्ट में डाला जाए तथा तब तक पुनः कार्य आवंटित न किया जाए जब तक वे कार्य की गुणवत्ता में आशातीत सुधार नहीं लाते। उन्होंने शिमला ग्रामीण क्षेत्र में निर्माणाधीन विभिन्न विकासात्मक परियोजनाओं के बारे में विस्तृत चर्चा की। इनमें मुख्य तौर पर प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत कार्य, सम्पर्क मार्ग, स्कूल भवन, विज्ञान प्रयोगशाला, आयुर्वेदिक डिस्पैंसरी, पॉलिटेक्निक कॉलेज, पुस्तकालय भवन, विभिन्न सड़कों का निर्माण एवं टारिंग, प्राथमिक स्वास्थ्य संस्थान, सामुदायिक स्वास्थ्य संस्थान सहित अन्य स्वास्थ्य संस्थान शामिल हैं। लोक निर्माण मंत्री ने क्षेत्र में जलशक्ति विभाग द्वारा किए जा रहे कार्यों की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा कि शिमला ग्रामीण क्षेत्रों में पानी छोड़ने की समयसारिणी से उन्हें अवगत करवाया जाए। उन्होंने जलशक्ति विभाग की उठाऊ पेयजल योजनाओं, सिंचाई योजनाओं, कूहलों के निर्माण एवं रखरखाव व वर्षा जल संग्रहण बांध के सम्बन्ध में भी चर्चा की। उन्होंने परिवहन विभाग के अधिकारियों से चर्चा के दौरान शिमला ग्रामीण के लोगों को बेहतर परिवहन सुविधाएं सुनिश्चित करने की प्रतिबद्धता दर्शाई। उन्होंने शिमला ग्रामीण के विभिन्न क्षेत्रों में हिमाचल पथ परिवहन निगम की बस सेवाएं आरम्भ करने, बसों के मौजूदा रूटों का दायरा बढ़ाने, सुन्नी बस अड्डे को नई बसें प्रदान करने, धामी बस अड्डे के नए भवन के निर्माण आदि को लेकर भी अधिकारियों से चर्चा की। विक्रमादित्य सिंह ने नगर निगम शिमला के तहत आने वाले शिमला ग्रामीण विधानसभा के क्षेत्रों में चल रहे विकास कार्यों एवं मांगों को लेकर निगम के अधिकारियों के साथ बैठक में सीवरेज पाईप बिछाने, पार्किंग एवं एम्बुलेंस सड़क के निर्माण आदि कार्यों पर भी चर्चा की। बैठक में नगर निगम शिमला के आयुक्त भूपेन्द्र अत्री और लोक निर्माण विभाग, जलशक्ति विभाग, परिवहन विभाग, नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
**पूरी तरह मुस्तैद निगरानी और सुरक्षा में तैनात कर्मचारी: एसडीएम देहरा निर्वाचन क्षेत्र में विधानसभा उपचुनावों के मद्देनजर सकरी चैक पोस्ट पर फ्लाइंग स्क्वाड की एक टीम ने एक गाड़ी से 1 लाख 37 हजार 220 रूपये कैश बरामद किया है। गाड़ी पंजाब की है और मामले में आगे तफ्तीश जारी है। यह जानकारी देते हुए रिटर्निंग अधिकारी (एसडीएम) देहरा शिल्पी बेक्टा ने बताया कि देहरा के सकरी चैक पोस्ट पर आज सोमवार को फ्लाइंग स्क्वाड टीम-2 के इंचार्ज अनिल वर्मा, एएसआई राम चंद और उनके दल ने गाड़ियों की जांच के दौरान यह कैश पकड़ा। शिल्पी ने बताया कि देहरा विधानसभा क्षेत्र में उपचुनावों को देखते हुए निगरानी दलों द्वारा जगह-जगह नाके लगा कर गाड़ियों की आवाजाही पर नजर रखी जा रही है। उड़न दस्ते, स्टेटिक निगरानी दल और पुलिस टीमें विभिन्न जगहों पर गाड़ियों की जांच के साथ-साथ संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रख रहे हैं। सभी संवेदनशील और महत्वपूर्ण क्षेत्रों में नियमित गश्त के साथ-साथ हर प्रकार की गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। एसडीएम ने बताया कि देहरा निर्वाचन क्षेत्र में चुनाव संबंधित प्रत्येक गतिविधि पर नजर रखने के लिए चुनाव आयोग के निर्देशानुसार उपयुक्त टीमें तैनात की गई हैं। उन्होंने बताया कि देहरा में विधानसभा उपचुनावों के लिए दो सेक्टर मजिस्ट्रेट, 10 सेक्टर ऑफिसर, एक सहायक व्यय पर्यवेक्षक, एक अकांउटिंग टीम, 6 फ्लाइंग स्क्वाड टीमें, 6 स्टेटिक निगरानी दल, दो वीडियो सर्विलांस टीम और एक वीडियो व्यूइंग टीम तैनात की गई है। उन्होंने कहा कि चुनाव पर्यवेक्षकों द्वारा देहरा विधानसभा क्षेत्रों में तैनात स्टेटिक निगरानी टीमों द्वारा लगाए नाकों का औचक निरीक्षण भी किया जा रहा है। क्षेत्र में निगरानी दल पूरी मुस्तैदी से अपना काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि निगरानी दलों में तैनात कर्मचारियों को गाड़ियों के दस्तावेज जांचने के साथ पूरी सतर्कता से काम करने तथा हर गतिविधि पर बारीकी से नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि उपचुनाव को शांतिपूर्वक ढंग से सम्पन्न करवाने के लिए प्रशासन ने पूरी व्यवस्था चाक चौबंद कर रखी है। क्षेत्र में अर्धसैनिक बल और पुलिस की टुकड़ियों द्वारा फ्लैग मार्च निकाल कर जनता को सुरक्षा व्यवस्था को लेकर आश्वस्त किया जा रहा है। इसके साथ लोगों को भयमुक्त होकर मतदान करने का संदेश भी दिया जा रहा है।
उपायुक्त किन्नौर डॉ. अमित कुमार शर्मा ने आज पूरे राष्ट्र सहित जनजातीय जिला किन्नौर में भी आरंभ किए गए स्टॉप डायरिया अभियान-2024 का क्षेत्रीय अस्पताल रिकांग पिओ से शुभांरभ किया। उन्होंने इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से आह्वान किया कि वे इस अभियान को सफल बनाने के हर संभव प्रयास करें तथा गांव-गांव जाकर लोगों को डॉयरिया के प्रति जागरूक करें। उन्होंने विशेषकर बच्चों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध करवाने पर बल दिया ताकि वे जल जनित रोगों से ग्रस्त न हों। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सोनम नेगी ने इस अवसर पर उपायुक्त का क्षेत्रीय अस्पताल पहुंचने पर स्वागत किया और उन्हें स्टॉप डायरिया अभियान के संदर्भ में जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. कविराज नेगी, प्रधानाचार्य डाईट कुलदीप नेगी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
किन्नौर जिला के कल्पा विकास खण्ड की ग्राम पंचायत छितकुल स्थित देवी माता मंदिर परिसर में 09 जुलाई, 2024 को आयुष विभाग द्वारा एक दिवसीय निःशुल्क आयुर्वेद चिकित्सा शिविर का आयोजन किया जाएगा। यह जानकारी आज यहां जिला आयुष अधिकारी डॉ. इंदु शर्मा ने दी। उन्होंने बताया कि चिकित्सा शिविर में चिकित्सकों एवं पैरामेडिकल स्टाफ का एक दल स्थानीय लोगों को विभिन्न प्रकार की ब्याधियों जिनमें नेत्र रोग, आमवात, बावासीर, जटिल, जीर्ण व असाध्य रोग शामिल रहेंगे की निःशुल्क चिकित्सा प्रदान करेगा। इसके अलावा लोगों को मुफ्त आयुर्वेदिक औषधियां भी वितरित की जाएगी। उन्होंने बताया कि इन निःशुल्क चिकित्सा शिविरों का आयोजन वाईब्रेंट विलेज कार्यक्रम के तहत प्रस्तावित विभागीय कैलेण्डर के अनुरूप किया जा रहा है। उन्होंने सभी लोगों से इन निःशुल्क शिविरों में बढ़-चढ़कर भाग लेने का आग्रह किया।
** संबंधित विभाग आपस में समन्वय स्थापित कर किसी भी आपदा की स्थिति से निपटने की सभी तैयारियां करें पूर्ण: उपायुक्त किन्नौर जनजातीय जिला किन्नौर में आगामी मॉनसून सीजन की तैयारियों को लेकर आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए उपायुक्त किन्नौर डॉ. अमित कुमार शर्मा ने कहा कि जिला में किसी भी आपदा से निपटने के लिए सेना, आई.टी.बी.पी, एन.डी.आर.एफ, पुलिस, व होमगार्ड के त्वरित प्रतिक्रिया दल सभी आवश्यक उपकरणों सहित तैयार रहे तथा संबंधित विभागों से समन्वय स्थापित रखें। इस दौरान जिला के संवेदनशील स्थानों को चिन्हित कर मानसून के दौरान किसी भी आपात स्थिति से निपटने पर विस्तृत चर्चा की गई। उपायुक्त ने जिला के अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी, उपमण्डलाधिकारी कल्पा व निचार सहित सभी तहसीलदारों व नायब तहसीलदारों को निर्देश दिए कि वे भू-स्खलन व बाढ़ की दृष्टि से संवेदनशील स्थानों पर नजर रखें ताकि मॉनसून के दौरान आपदा का त्वरित निपटान सुनिश्चित हो सके व जान-माल के नुकसान को रोका जा सके। बैठक में जल शक्ति विभाग को निर्देश दिए कि वे जिले के सभी पेयजल भण्डारण टैंकों की सफाई, सभी कूहलों की सफाई व सभी स्कूलों के टैंकों की सफाई सुनिश्चित करें। इसके अतिरिक्त सही प्रकार से क्लोरोनेशन भी सुनिश्चित बनाएं ताकि जल जनित रोगों से बचाव हो सके तथा पानी की नियमित रूप से टैंस्टिंग करने के भी विभाग को निर्देश दिए। इस संदर्भ में स्वास्थ्य विभाग को भी निर्देश दिए गए कि वे जल जनित रोगों से बचाव के लिए सभी आवश्यक दवाईयों पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध रखें। जिले में भू-स्खलन को लेकर अतिसंवेदनशील स्थलों (बटसेरी, निगुलसरी, नाथपा, मलिंग नाला, कूपा, उरनी ढांक, पूर्वनी झूला, पागल नाला) में लगाए गए अर्ली वॉर्निंग प्रणाली उपकरणों की जांच व मुरम्मत करने के आदेश दिए। इसके अलावा साडा को भी निर्देश दिए कि वे साडा क्षेत्र में आने वाली सभी नालियों व नालों की सफाई मॉनसून सीज़न से पहले सुनिश्चित बनाएं। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग को भी निर्देश दिए कि वे जुलाई माह के प्रथम सप्ताह तक जहां अधिक बारिश होती है वहां आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति सुनिश्चित बनाएं। इसके अलावा खाद्य वस्तुओं के उचित भण्डारन, एल.पी.जी व पेट्रोल/डीजल की आपूर्ति भी मॉनसून के दौरान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा शिक्षा विभाग को मॉनसून सीजन के दौरान छात्र-छात्राओं की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने पर बल दिया गया तथा किसी भी आपदा की स्थिति में विद्यार्थियों की सुरक्षा प्राथमिकता के आधार पर करने के आदेश दिए गए। बैठक में अवगत करवाया गया कि जिला मुख्यालय पर पहले से ही नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है जो 24 घंटे क्रियाशील रहता है तथा कोई भी व्यक्ति आपदा के समय 1077 नम्बर पर आपात संबंधी सूचना दे सकता है। उपायुक्त ने जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण को आपदा के समय सभी संचार उपकरणों को दुरूस्त रखने के निर्देश दिए। बैठक में अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी पूह विनय मोदी, उपमण्डलाधिकारी कल्पा डॉ. मेजर शशांक गुप्ता, उपमण्डलाधिकारी निचार बिमला वर्मा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सोनम नेगी, अधिशाषी अभियन्ता जल शक्ति अभिषेक शर्मा, ग्रैफ, आई.टी.बी.पी, एन.डी.आर.एफ, पुलिस, होमगार्ड व एनएच-05 के अधिकारियों सहित अन्य उपस्थित थे।
बीएल सेंट्रल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुनिहार के 26 NCC कैडेट्स NCC वार्षिक शिविर में भाग ले रहे हैं I जानकारी देते हुए विद्यालय प्रबंधन समिति अध्यक्ष ने बताया कि विद्यालय से 26 ( छात्र व छात्रा ) NCC कैडेट्स एनसीसी वार्षिक शिविर में भाग ले रहे हैं, जो की महर्षि मार्कंडेश्वर विश्वविद्यालय कुमारहट्टी में प्रथम छात्र वाहिनी एनसीसी सोलन के सौजन्य से 1 जुलाई 2024 से 10 जुलाई 2024 तक आयोजित किया गया हैI इनके साथ ANO अमर देव भी शिविर मे NCC कैडेट्स के साथ भाग ले रहे हैंI इस शिविर मे लगभग 500 कैडेट्स के करीब स्कूल, कॉलेज और विश्वविद्यालय से NCC कैडेट्स भाग लेंगे I ये शिविर प्रथम छात्र वाहिनी सोलन के कमांडिंग ऑफिसर के मार्ग दर्शन मे चलाया जा रहा है I इस शिविर मे NCC कैडेट्स के लिए सैनिक प्रशिक्षण, समाजिक सेवा ज्ञान, खेलकूद प्रतियोगिता, सांस्कृतिक प्रतियोगिता और ड्रिल प्रतियोगिता करवाई जाएगीI विद्यालय अध्यक्ष, विद्यलय प्रधानाचार्य, विद्यालय प्रबंधन समिति अध्यक्ष और समस्त अध्यापक वर्ग ने सभी एनसीसी शिविर में भाग ले रहे कैडेट्स को बधाई दी I बीएल सेंट्रल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुनिहार के NCC कैडेट्स हर वर्ष एनसीसी वार्षिक शिवर मे भाग लेते हैं और शिविर से अच्छा परीक्षण प्राप्त कर स्कूल और कुनिहार का नाम रोशन करते हैंI सभी NCC कैडेट्स मे शिविर के प्रति बड़ा ही हर्षो उल्लास है I
भारतीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क (आईआईआरएफ) की ओर से जारी देश की टॉप-50 केंद्रीय विश्वविद्यालयों की रैकिंग में वर्ष 2023 की अपेक्षा 2024 में ए++ ग्रेड प्राप्त हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय का स्तर सात पायदान नीचे खिसक गया है। हालांकि बीते साल के मुकाबले अंक ज्यादा हासिल किए हैं। वर्ष 2023 में रैंकिंग में 42वां स्थान था, जबकि इस वर्ष जारी रैकिंग में सात पायदान नीचे लुढ़क कर सीयू 49वें नंबर पर पहुंच गई है। भारतीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क (आईआईआरएफ) ने देश के केंद्रीय विश्वविद्यालयों की रैंकिंग जारी की है। आईआईआरएफ ने यह रैंकिंग सात विभिन्न मानदंडों को आधार बना कर दी है। टॉप पर रहने वाले दिल्ली की जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) के ओवरआल 989.28 अंक हैं, जबकि 49वें स्थान पर रहने वाले केंद्रीय विश्वविद्यालय हिमाचल प्रदेश को 894.36 अंक प्राप्त हुए हैं। इसी संस्था की ओर से वर्ष 2023 में किए सर्वे के अनुसार हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय को 876.51 अंक प्राप्त हुए थे और उसे टॉप-50 में से 42वें स्थान मिला था। वहीं जेएनयू 983.12 अंकों के साथ पहले स्थान पर रही थी। आईआईआरएफ ने यह सर्वे सात विभिन्न मानकों को आधार बना कर किया था। इसमें यूनिवर्सिटी का प्लेसमेंट परफॉरमेंस, टीचिंग लर्निंग रिसोर्सेस एंड पेडागोजी, रिसर्च, इंडस्ट्री इनकम एंड इंटीग्रेशन, प्लेसमेंट स्ट्रैटेजी एंड सपोर्ट, फ्यूचर ओरिएंटेशन और एक्सटर्नल परसेप्शन एंड इंटरनेशनल आउटलुक शामिल था। प्लेसमेंट परफॉरमेंस में 217.3, टीचिंग लर्निंग रिसोर्सेस एंड पेडागोजी में 199.2, रिसर्च में 179.9, इंडस्ट्री इनकम एंड इंटीग्रेशन में 142.2, प्लेसमेंट स्ट्रैटेजी एंड सपोर्ट 62, फ्यूचर ओरिएंटेशन में 54.8 और एक्सटर्नल परसेप्शन एंड इंटरनेशनल आउटलुक में 37.9 अंक प्राप्त हुए हैं, जबकि सीयूएचपी को ओवरऑल 894.36 अंक प्राप्त हुए हैं।
** मार्केट यार्ड, कोल्ड स्टोर निर्माण के लिए विश्व बैंक से चार माह बढ़ी मियाद हिमाचल प्रदेश में 1,134 करोड़ के बागवानी विकास प्रोजेक्ट को चार माह का विस्तार मिल गया है। विश्व बैंक की ओर से विस्तार को मंजूरी से संबंधित पत्र प्रदेश सरकार को मिला गया है। अब यह प्रोटेक्ट अक्तूबर में पूरा होगा। इस प्रोजेक्ट के तहत प्रदेश में 7 नए कोल्ड स्टोर का निर्माण और 8 कोल्ड स्टोर के उन्नयन किया गया है। प्रोजेक्ट के विस्तार से महेंदली में मार्केट यार्ड का काम पूरा होगा और जरोल टिक्कर में बनाए जा रहे कोल्ड स्टोर का निर्माण कार्य भी पूरा होगा। इसके अलावा करोेड़ों की सिंचाई योजनाओं का काम भी पूरा होगा। दो महीने पहले प्रोजेक्ट की समीक्षा के लिए विश्व बैंक की टीम हिमाचल आई थी। प्रदेश सरकार ने प्रोजेक्ट की मियाद आगे बढ़ाने का आग्रह किया था, जिसे विश्व बैंक ने स्वीकृति दे दी है। प्रोजेक्ट के तहत अब तक विदेशों से उन्नत किस्म के करीब 30 लाख सेब, नाशपाती, चेरी, प्लम, बादाम व आड़ू के पौधे और रूट स्टॉक आयात किए जा चुके हैं। 500 विभागीय अधिकारियों और 5000 से अधिक किसानों-बागवानों को विशेषज्ञों की ओर से प्रशिक्षण दिया गया है। इसके अलावा 70 विभागीय अधिकारियों को मास्टर ट्रेनर के रूप में प्रशिक्षित किया गया है।
डॉक्टर्स डे सभी डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को सम्मानित करने के लिए मनाया जाता है, जो लोगों की सेवा कर रहे हैं। स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं की कभी न खत्म होने वाली भावना को सलाम करने के लिए, साई इंटरनेशनल स्कूल ने डॉक्टर्स डे मनाया। प्रतिभाशाली शिक्षार्थियों ने जीवन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए सोलन के प्रसिद्ध डॉक्टरों को सुंदर फूलों के गुलदस्ते और ग्रीटिंग कार्ड के माध्यम से धन्यवाद दिया। डॉ संजय अग्रवाल (सर्जन), डॉ संजय ग्रोवर (नेत्र विशेषज्ञ), डॉ रवि कांत सूद (सामान्य चिकित्सक),डॉ रोहित वा शुभ्रा सबलोक (दंत चिकित्सक), डॉ विनय पटियाल (त्वचा विशेषज्ञ) को विशेष धन्यवाद कि उन्होने अपना बहुमूल्य समय साई इंटरनेशनल स्कूल के विद्यार्थियों को दिया। यह वास्तव में एक अद्भुत दिन था, जिसे डॉक्टरों के प्रति कृतज्ञता की भावना के साथ मनाया गया। स्कूल प्रबंधक रामिंदर बावा ने भी सभी डॉक्टर्स को विषेश शुभकानाएं दी।
देशभर में आज रात 12 बजे से तीन नए आपराधिक कानून लागू हो गए हैं। 51 साल पुराने सीआरपीसी की जगह भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) लेगी। भारतीय दंड संहिता की जगह भारतीय न्याय अधिनियम (BNS) लेगा और इंडियन एविडेंस एक्ट की जगह भारतीय साक्ष्य अधिनियम (BSA) के प्रावधान लागू होंगे। महिलाओं से जुड़े ज्यादातर अपराधों में पहले से ज्यादा सजा मिलेगी। इलेक्ट्रॉनिक सूचना से भी FIR दर्ज हो सकेगी। एक जुलाई से पहले दर्ज हुए मामलों में नए कानून का असर नहीं होगा। यानी जो केस 1 जुलाई 2024 से पहले दर्ज हुए हैं, उनकी जांच से लेकर ट्रायल तक पुराने कानून का हिस्सा होगी। एक जुलाई से नए कानून के तहत एफआईआर दर्ज हो रही है और इसी के अनुसार जांच से लेकर ट्रायल पूरा होगा। BNSS में कुल 531 धाराएं हैं। इसके 177 प्रावधानों में संशोधन किया गया है, जबकि 14 धाराओं को हटा दिया गया है। 9 नई धाराएं और 39 उप धाराएं जोड़ी गई हैं। पहले CrPC में 484 धाराएं थीं। भारतीय न्याय संहिता में कुल 357 धाराएं हैं। अब तक आईपीसी में 511 धाराएं थीं। इसी तरह भारतीय साक्ष्य अधिनियम में कुल 170 धाराएं हैं। नए कानून में 6 धाराओं को हटाया गया है। 2 नई धाराएं और 6 उप धाराएं जोड़ी गई हैं। पहले इंडियन एविडेंस एक्ट में कुल 167 धाराएं थीं। नए कानून में ऑडियो-वीडियो यानी इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य पर जोर दिया गया है। फॉरेंसिक जांच को अहमियत दी गई है। कोई भी नागरिक अपराध के सिलसिले में कहीं भी जीरो FIR दर्ज करा सकेगा। जांच के लिए मामले को संबंधित थाने में भेजा जाएगा। अगर जीरो एफआईआर ऐसे अपराध से जुड़ी है, जिसमें तीन से सात साल तक सजा का प्रावधान है तो फॉरेंसिक टीम से साक्ष्यों की जांच करवानी होगी। अब ई-सूचना से भी एफआईआर दर्ज हो सकेगी। गंभीर धाराओं में भी ई-एफआईआर हो सकेगी। वॉइस रिकॉर्डिंग से भी पुलिस को सूचना दे सकेंगे। E-FIR के मामले में फरियादी को तीन दिन के भीतर थाने पहुंचकर एफआईआर की कॉपी पर साइन करना जरूरी होंगे। फरियादी को एफआईआर, बयान से जुड़े दस्तावेज भी दिए जाने का प्रावधान किया गया है। फरियादी चाहे तो पुलिस द्वारा आरोपी से हुई पूछताछ के बिंदु भी ले सकता है। FIR के 90 दिन के भीतर चार्जशीट दाखिल करनी जरूरी होगी। चार्जशीट दाखिल होने के 60 दिनों के भीतर कोर्ट को आरो तय करने होंगे। मामले की सुनवाई पूरी होने के 30 दिन के भीतर जजमेंट यानी फैसला देना होगा। जजमेंट दिए जाने के बाद 7 दिनों के भीतर उसकी कॉपी मुहैया करानी होगी। पुलिस को हिरासत में लिए गए शख्स के बारे में उसके परिवार को लिखित में बताना होगा। ऑफलाइन और ऑनलाइन भी सूचना देनी होगी। महिलाओं-बच्चों के खिलाफ होने वाले अपराधों को BNS में कुल 36 धाराओं में प्रावधान किया गया है। रेप का केस धारा 63 के तहत दर्ज होगा। धारा 64 में अपराधी को अधिकतम आजीवन कारावास और न्यूनतम 10 वर्ष कैद की सजा का प्रावधान है। धारा 65 के तहत 16 साल से कम आयु की पीड़ित से दुष्कर्म किए जाने पर 20 साल का कठोर कारावास, उम्रकैद और जुर्माने का प्रावधान है। गैंगरेप में पीड़िता यदि वयस्क है तो अपराधी को आजीवन कारावास का प्रावधान है। 12 साल से कम उम्र की पीड़िता के साथ रेप पर अपराधी को न्यूनतम 20 साल की सजा, आजीवन कारावास या मृत्युदंड का प्रावधान है। शादी का झांसा देकर संबंध बनाने वाले अपराध को रेप से अलग अपराध माना गया है। यानी उसे रेप की परिभाषा में नहीं रखा गया है। पीड़ित को उसके केस से जुड़े हर अपडेट की जानकारी हर स्तर पर उसके मोबाइल नंबर पर एसएमएस के जरिए दी जाएगी। अपडेट देने की समय-सीमा 90 दिन निर्धारित की गई है। राज्य सरकारें अब राजनीतिक केस (पार्टी वर्कर्स के धरना-प्रदर्शन और आंदोलन) से जुड़े केस एकतरफा बंद नहीं कर सकेंगी। धरना- प्रदर्शन, उपद्रव में यदि फरियादी आम नागरिक है तो उसकी मंजूरी लेनी होगी। गवाहों की सुरक्षा के लिए भी प्रावधान है। तमाम इलेक्ट्रॉनिक सबूत भी कागजी रिकॉर्ड की तरह कोर्ट में मान्य होंगे। मॉब लिंचिंग भी अपराध के दायरे में आ गया है। शरीर पर चोट पहुंचाने वाले अपराधों को धारा 100-146 तक बताया गया है। हत्या के मामले में धारा 103 के तहत केस दर्ज होगा। धारा 111 में संगठित अपराध के लिए सजा का प्रावधान है। धारा 113 में टेरर एक्ट बताया गया है। मॉब लिंचिंग के मामले में 7 साल की कैद या उम्रकैद या फांसी की सजा का प्रावधान है। चुनावी अपराध को धारा 169-177 तक रखा गया है। संपत्ति को नुकसान, चोरी, लूट और डकैती आदि मामले को धारा 303-334 तक रखा गया है। मानहानि का जिक्र धारा 356 में किया गया है। दहेज हत्या धारा 79 में और दहेज प्रताड़ना थारा 84 में बताई गई है।
हिमाचल में पिछली साल हुई भारी बरसात से सबक लेते हुए लोक निर्माण विभाग ने कर्मचारियों की छुट्टियां मानसून सीजन समाप्त होने तक रद्द कर दी है। ताकि भारी बरसात में भूस्खलन और डंगे गिरने से बाधित होने वाली सड़कों को जल्द से जल्द खोला जा सके। लोक निर्माण विभाग में केवल विशेष परिस्थितियों में ही कर्मचारी छुट्टी के लिए आवेदन कर सकते हैं। वहीं, लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को भी अलर्ट रहने को कहा गया है। मानसून सीजन में अधिकारियों को नियमित तौर पर फील्ड में सड़कों और पुलों का निरीक्षण कर इसकी रोजाना सरकार को रोजाना रिपोर्ट देनी होगी। मानसून सीजन में लोक निर्माण मंत्री भी नियमित तौर पर अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे। ताकि भारी बारिश से आने वाली प्राकृतिक आपदा से बंद होने वाली सड़कों को जल्द से जल्द खोला जा सके। हिमाचल में इस महीने सेब का सीजन भी शुरू होने वाला है। ऐसे में मंडियों में सेब समय पर पहुंचकर बिक सके। इसके लिए सड़कों को जल्द खोलने के लिए विशेष तौर पर दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। प्रदेश में मानसून सीजन के दौरान होने वाली मूसलाधार बारिश हर बार अपने साथ तबाही लाती है। प्रदेश भर में भारी बारिश से होने वाले भूस्खलन और फ्लैश फ्लड से पैदा होने वाले हालातों से निपटने के लोक निर्माण विभाग ने मैन पावर और मशीनरी की तैनाती कर दी है। लोक निर्माण विभाग के डिवीजनों के तहत विभिन्न क्षेत्रों में 206 जेसीबी, 110 बुल्डोजर, 28 रोबो मशीन, 17 बेली ब्रिज और 13 हजार से अधिक श्रम शक्ति को तैनात कर दिया है। ताकि मानसून सीजन के दौरान किसी भी आपातकालीन स्थिति में बहाली एवं राहत कार्य तुरंत प्रभाव से सुनिश्चित किए जा सके। हिमाचल में पिछली भारी बरसात में 400 से अधिक लोगों का बहुमूल्य जीवन समाप्त हो गया था। वहीं 10 हजार करोड़ की संपत्ति आपदा की भेंट चढ़ गई थी। नदी नालों में आई भीषण बाढ़ और भूस्खलन से 2545 मकान पूरी तरह और 10,853 मकान आंशिक रूप क्षतिग्रस्त हो गए थे। इसी तरह से 317 दुकानें और ढाबे नष्ट हुए थे। प्रदेश में भारी बरसात से 10,140 पशु मारे गए थे। हिमाचल में लगातार सबसे अधिक बारिश 8 से 11 जुलाई, 13 से 15 अगस्त और 23 और 24 अगस्त को हुई थी। ऐसे लगातार कई घंटों तक बारिश का क्रम जारी रहने से सबसे अधिक तबाही मची थी। राजस्व विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव ओंकार शर्मा के मुताबिक सरकार मानसून सीजन से निपटने को तैयार है। सभी अधिकारियों को डिजास्टर मैनेजमेंट एक्ट के तहत अपनी जिम्मेवारी निभाने के निर्देश जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा कि पिछली बरसात से सबक लेते हुए पहले की विभिन्न स्थानों पर मैन पावर और मशीनरी तैनात की जा चुकी है।
हिमाचल प्रदेश में रविवार को मानसून कमजोर पड़ गया। खराब माैसम के ऑरेंज अलर्ट में भी धूप खिली रही। 1 और 2 जुलाई तक भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जबकि 3 से 6 जुलाई तक यलो अलर्ट है। इस दौरान गर्जना के साथ बारिश और कई जगह बिजली गिर सकती है। हिमाचल प्रदेश में मानसून के प्रवेश के बाद से कुछ स्थानों पर ही हल्की बारिश हो रही है। ऊना का पारा रविवार को भी 36 डिग्री सेल्सियस के पार रहा।
सोलन: हिमाचल प्रदेश में बीते दिनों हुए बिलासपुर गोलीकांड के बाद अब सोलन से भी फायरिंग का मामला सामने आया है। सोलन के औद्योगिक क्षेत्र बीबीएन के थाना गांव में आपसी रंजिश में गोलियां चली। इस घटना में गोली लगने से एक व्यक्ति घायल हो गया, जिसे बद्दी अस्पताल ले जाया गया। जहां से उसे प्राथमिक उपचार देने के बाद डॉक्टर ने पीजीआई रेफर कर दिया है। गोली व्यक्ति के दाईं जांघ में लगी है। वहीं, गोली चलाने वाला आरोपी मौके से फरार हो गया। सोलन जिले के कड़ूवाना गांव में आपसी रंजिश के चलते गोली चली। जानकारी के अनुसार कड़ूवाना का दीदार सिंह (34) थाना गांव में चल रही क्रिकेट प्रतियोगिता में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुआ था। वहां पर इसी गांव के एक अन्य व्यक्ति को भी मुख्य अतिथि बुलाया हुआ था। दीदार सिंह जैसे ही स्टेज पर चढ़ा तो वहां पर पहले से स्टेज पर बैठा अन्य मुख्यातिथि इस बात से नाराज हो गया। वह दीदार सिंह को देखकर स्टेज से उतर गया। बाद में उसने पीछे से फायर कर दिया और गोली दीदार सिंह के दाईं जांघ में जा लगी और वह लहूलुहान हो गया। वहीं, गोली मारने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। अचानक गोली चलने से मौके पर अफरा तफरी मच गई। यह हादसा रविवार दोपहर करीब 3 बजे का है। स्टेज पर मौजूद लोग दीदार सिंह को बद्दी अस्पताल ले गए, जहां से डॉक्टर ने दीदार सिंह की हालत को देखते हुए पीजीआई रेफर कर दिया। डीएसपी खजाना राम ने घटना को लेकर जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि थाना गांव में गोली चलने की सूचना मिली है। सूचना मिलते ही बद्दी पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन घायल को तब तक उसके परिजन पीजीआई ले गए थे। पुलिस की एक टीम घायल व्यक्ति के बयान लेने के लिए पीजीआई रवाना हो गई है। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है।
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री झूठ की गारंटी देने में माहिर हैं। देहरा से भाजपा प्रत्याशी होशियार सिंह ने कहा कि जब से प्रदेश में कांग्रेस की सरकार आयी है तब से मुख्यमंत्री सुक्खू झूठ पर झूठ बोलते जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुक्खू क़ो इस बात का ज्ञान होना चाहिए कि अब वो किसी पार्टी के मुखिया नहीं बल्कि किसी संवैधानिक पद पर बैठे प्रदेश के मुखिया हैं और जहां तक हमें लगता हैं शायद उनको अपने पद की अहमियत की जानकारी वे सिर्फ अपनी पत्नी क़ो जिताने के लिए परिवार के मुखिया के रूप में काम कर रहे है न कि प्रदेश के मुखिया की तरह, इसलिए उनको परामर्श देता हूं वे अपनी इन हरकतों से बाज़ आएं। प्रत्याशी होशियार सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री सुक्खू ने प्रदेश का माहौल खराब करने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ी हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री प्रदेश की लोकतान्त्रिक व्यवस्था क़ो ख़राब करने में लगे है। यह सरकार उप-चुनावों क़ो प्रभावित करने के लिए गुंडागर्दी, नीचता व झूठ की सारी हदें पार कर चुकी है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू जब से सत्ता में आए हैं तब से लेकर मात्र झूठ बोल कर जनता को भ्रमित करने का ही कार्य करते जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनावों के दौरान जब मुख्यमंत्री को और उपमुख्यमंत्री को अपनी बेटी व पत्नी को चुनाव लड़ने के लिए कहा गया परन्तु हार के डर से दोनों ही पीछे हट गए और अब सत्ता का दुरूपयोग करके पहले उपमुख्यमंत्री की बेटी और अब पत्नी को स्थापित करने के लिए कार्यकर्ताओं को प्रताड़ित कर रहे हैं और उनके हकों को छीन रहे हैं। आज देहरा की जनता मुख्यमंत्री और प्रशासन की धमकियों की वजह से परेशान है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री अपनी पत्नी को चुनाव जीताने के लिए राजधर्म भूल गए हैं और सत्ता का दुरूपयोग कर देहरा को सौगातों का लालच लेकर खरीदना चाहते हैं। मुख्यमंत्री सुक्खू आज देहरा की जनता को बताएं कि ज़ब एक निर्दलीय विधायक के रूप में मैंने यही सुविधाएं मांगी थी तब सरकार ने इस बात पर विचार क्यों नहीं किया और एक भी कार्य मेरे कहने से नहीं किया मजबूरन मुझे यह रास्ता इख्तियार करना पड़ा और अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा। आज मुख्यमंत्री यह बताएं अगर आज जो घोषणा पर घोषणा की जा रही है वैसा पहले किया होता तो आज प्रदेश में जो अस्थिरता पैदा हुई वो कभी न होती और इतना खर्चा भी प्रदेश पर नहीं पड़ता। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुक्खू कहते हैं कि देहरा मेरा और मेरा पुराना घर यहीं है पर इस देहरा कि याद आज ही क्यों आ रही है ज़ब उनकी पत्नी यहाँ से चुनाव लड़ रही है। टिकट फाइनल होते ही कैबिनेट में पुलिस जिला बनाना जबकि देहरा में अभी आदर्श आचार सहिंता चल रही हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश का नेतृत्व आज ऐसी पार्टी कर रही है, जिनका एक मात्र ध्येय अपने परिवार को विकास करना है नाकि जनता या कार्यकर्ता का विकास। केंद्र से नजर दौड़ाएं तो राहुल गाँधी ने अपनी वायनाड की सीट बहन प्रियंका के लिए खाली की, मंडी की पूर्व सांसद प्रतिभा सिंह ने अपने बेटे के लिए मंडी की सीट छोड़ी, मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू तो सबसे ही आगे निकल गए और आज अपनी पत्नी के लिए एक कार्यकर्त्ता से देहरा की सीट को छीन कर ले लिया, जिससे यही प्रतीत होता है कि ये लोग मात्र अपने परिवार के लिए कार्य करते हैं।
यूथ क्लब भोग्रवां में क्लब के सदस्यों द्वारा क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन किया गया था, जिसका समापन आज हुआ। क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन 29 जून रात्रि में किया गया था, जिसमें 29 टीमों ने हिस्सा लिया था। फाइनल मुकाबला महादेव कल्ब मोहटली व भोग्रवां के बीच हुआ, जिसमें मोहटली टीम ने विजय हासिल की। सभी टीमों में हुए मैचों के सबसे उत्तम प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी को मैन ऑफ द मैच से नवाजा गया। इसके इलावा मैन ऑफ द सीरीज को 1100 रूपए की राशि व बैस्ट बालर को जूते प्रदान किया गए, टुर्नामेंज का आयोजन पंचायत लेवल पर किया गया। विजेता टीम को 11000 रूपए व उपविजेता टीम को 7100 रूपए की सम्मान राशि प्रदान की गई। मुख्यातिथि के रुप में इस टुर्नामेंट में गुरू देवा जी महाराज व डॉक्टर विशाल ठाकुर उपस्थित रहे। मुख्यतिथियों ने युवाओं को खेलों में बढ़-चढ़कर कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया, क्लब मैंबरो के द्वारा रात्रि में बाहर से आई टीमों को भोजन की व्यवस्था भी करवाई गई थी। कमेटी मैंबरो में अमित ठाकुर, भुवेश ठाकुर (आशू), राहुल शर्मा, सुमित शर्मा,कनव ठाकुर, दिक्शांत , अदित्य राणा इत्यादि उपस्थित थे।
**नालागढ़ की जनता केएल ठाकुर के साथ, सरकार को प्रदेश के लोगों ने नकारा **निर्दलियों से जबरिया समर्थन लेना चाहते थे मुख्यमंत्री नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने नालागढ़ में आयोजित प्रेस वार्ता में कहा कि प्रदेश में क़ानून व्यवस्था ध्वस्त है और अराजकता चरम पर है। कांग्रेस अपराध को संरक्षण दे रही है। नालागढ़ के कांग्रेस प्रत्याशी के ऊपर लगभग 132 मामले चल रहे हैं। प्रदेश के कोर्ट परिसर में भी दिन दहाड़े गोलियां चल रही हैं जिसमें भी कांग्रेस के नेता और पूर्व विधायक और उनके बेटे की संलिप्तता की बात सामने आ रही है। प्रदेश में इस तरह के स्थिति की कल्पना भी नहीं की जा सकती है। उन्होंने कहा कि अभी कुछ दिन पहले ही लोकसभा चुनाव और विधानसभा के उपचुनाव हुए हैं यदि तीनों निर्दलीय विधायकों का इस्तीफ़ा पहले ही स्वीकार कर लिया जाता तो यह चुनाव भी तभी हो सकते थे। कांग्रेस सरकार ने विधानसभा अध्यक्ष पर दबाव डालकर निर्दलीय विधायकों के त्यागपत्र स्वीकार करने में देरी की, जिससे हिमाचल प्रदेश की जनता पर अतिरिक्त चुनावी बोझ पड़ा है। जयराम ठाकुर ने नालागढ़ में ही दो जनसभाओं को भी संबोधित किया। जयराम ठाकुर ने कहा कि मुख्यमंत्री निर्दलीय विधायकों को बेसहारा समझते थे और उनसे अपने हर काम के लिए जबरिया समर्थन लेना चाहते थे। जहां तक हो सका उन्होंने समर्थन किया लेकिन हर बात पर समर्थन ही किया जाए यह ज़रूरी नहीं। राजसभा में भी निर्दलीय विधायकों से उन्होंने कांग्रेस को प्रत्याशी को वोट देने के लिए कहा लेकिन सभी ने हिमाचल के रहने वाले भाजपा प्रत्याशी हर्ष महाजन का समर्थन किया। बहुमत के बाद भी कांग्रेस हार गई। यही बात मुख्यमंत्री को नागवार गुजरी और उन्होंने निर्दलीय विधायकों को सत्ता के दम पर प्रताड़ित करने लगे। आज तक हिमाचल के इतिहास में यह भी नहीं हुआ था कि किसी नेता को परेशान करने के लिए उसके बिजनेस, परिवार सेज संबंधियों को निशाना बनाया गया हो और उनके घर गिराने और रास्ते बंद करने का कुचक्र रचा गया हो। सरकार की प्रताड़ना से तीनों निर्दलीय विधायकों ने मजबूरन इस्तीफ़ा दिया और वह भाजपा के साथ आए जिससे सदन में मुख्य मंत्री के ज़बरदस्ती समर्थन देने से बच सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश ने कांग्रेस को नकार दिया और 68 में से 61 विधानसभा सीटों पर बीजेपी को बढ़त दिलाने के लिए समस्त प्रदेशवासियों का आभार जताया। जयराम ठाकुर ने हिमाचल प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए और कहा कि विकास की दृष्टि में प्रदेश बहुत पीछे चला गया है। जब भाजपा की सरकार थी, तो नालागढ़ में बहुत सारे विकास कार्य हुए थे, लेकिन कांग्रेस सरकार ने उन योजनाओं को बंद कर दिया। उन्होंने कहा कि इंडस्ट्री सेक्टर में भी कांग्रेस सरकार के संरक्षण में लूट का माहौल है, जिससे इंडस्ट्रीज हिमाचल प्रदेश छोड़ने को मजबूर हैं। भाजपा की सरकार ने नालागढ़ में इंडस्ट्रीयल सेक्टर को बढ़ावा देने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए थे, जिनमें ग्लोबल इन्वेस्टर मीट और मेडिकल डिवाइस पार्क की स्थापना शामिल है। लेकिन कांग्रेस पार्टी ने भाजपा द्वारा नालागढ़ के विकास के लिए किए गए कार्यों को रोक दिया। जबकि यहां पर उद्योगों को परेशान करने के लिए एक माफिया गिरोह सक्रिय हो गया। जो उद्योगों की प्रताड़ित कर रहा है। जिसके कारण प्रदेश के उद्योग हिमाचल छोड़ कर जा रहे हैं। यह बात उद्योगमंत्री मुख्यमंत्री को ज़ुबानी भी बता चुके हैं और लिखित में भी दे चुके हैं। आख़िर माफिया सरकार से भी बढ़कर कैसे हो गये हैं। कांग्रेस के नेताओं के भ्रष्टाचार और अपराध के मामलों की संख्या बहुत अधिक है, जो क्षेत्र के विकास को बाधित कर रही है। जयराम ठाकुर ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस पार्टी नैतिक अधिकार खो चुकी है और भाजपा आने वाले तीन उपचुनावों में बड़ी बहुमत से जीत हासिल करेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी सत्ता में तकनीकी आधार पर है, लेकिन नैतिक रूप से नहीं। उन्होंने कहा कि भाजपा की जीत से हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस की सरकार इतिहास की बात हो जाएगी। इस मौक़े पर उनके साथ राज्यसभा सांसद सिकंदर कुमार, विधायक सुखराम चौधरी, बलवीर वर्मा, डॉ राजीव सहजल, पूर्व विधायक परमजीत सिंह पम्मी उपास्थि रहे।
खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के एक प्रवक्ता ने बताया कि हिमाचल प्रदेश में राशन कार्डों की eKYC करवाने की अन्तिम तिथि 31 जुलाई, 2024 तक बढ़ा दी गई है। यह सुविधा देश के सभी लोकमित्र केन्द्रों में उपलब्ध है। उन्होंने बाहरी राज्यों में रहने वाले हिमाचल प्रदेश के सभी राशन कार्ड उपभोक्ताओं से भी आग्रह किया है कि वह अपने निकटतम लोक मित्र केन्द्र में जाकर eKYC करवाना सुनिश्चित करें।
हिमाचल में मानसून रविवार से फिर रफ्तार पकड़ेगा। 30 जून से 2 जुलाई तक प्रदेश में भारी बारिश का ऑरेंज, 3 से 5 जुलाई तक येलो अलर्ट जारी हुआ है। शनिवार को मंडी और शिमला में बूंदाबांदी हुई। अन्य क्षेत्रों में हल्के बादल छाए रहने के साथ धूप खिली। अधिकतम तापमान में सामान्य से दो डिग्री की बढ़ोतरी हुई। ऊना में अधिकतम तापमान 37 और बिलासपुर में 36 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ। मौसम विज्ञान केंद्र ने रविवार से फिर मानसून के सक्रिय होने की संभावना जताई है। निदेशक सुरेंद्र पाल ने बताया कि दो दिन के दाैरान प्रदेश के सभी क्षेत्रों में मानसून का प्रवेश हो जाएगा। पहाड़ी राज्यों में जहां बारिश के चलते भूस्खलन से सड़कें बंद हैं, वहीं मैदानी राज्यों में सड़कों पर पानी भर गया है। अरुणाचल प्रदेश में टेलीफोन की लाइनें टूट गई हैं। मौसम विभाग ने दिल्ली समेत उत्तर पश्चिम और पूर्वोत्तर भारत के 18 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में अगले चार दिन भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विभाग ने बताया कि उत्तर-पूर्व राजस्थान, पूर्वी और उत्तर-पश्चिमी यूपी के ऊपर चक्रवाती परिसंचरण की स्थिति बनी हुई है।
हिमाचल के सरकारी स्कूलों में अगले साल से पांचवीं कक्षा तक अंग्रेजी माध्यम लागू होगा। प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय के प्रस्ताव को सरकार ने मंजूरी दे दी है। नए सत्र के लिए अंग्रेजी माध्यम की पुस्तकों की छपाई शुरू हो गई है। वर्ष 2024-25 से पहली-दूसरी कक्षा में अंग्रेजी माध्यम शुरू हो गया है। अब तीसरी से पांचवीं कक्षा में इसे लागू किया जा रहा है। तीसरी से पांचवीं कक्षा तक अंग्रेजी भाषा में गणित और पर्यावरण विषय पढ़ाए जाएंगे। प्रदेश के 10,300 प्राथमिक स्कूलों में शैक्षणिक सत्र 2025-26 से नई व्यवस्था के लागू होने के बाद हिंदी माध्यम में पढ़ाई बंद हो जाएगी। निजी स्कूलों का मुकाबला करने और सरकारी स्कूलों से विद्यार्थियों का पलायन रोकने को सरकार ने पहली से पांचवीं कक्षा तक अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई करवाने का फैसला लिया है। अधिकारियों ने बताया कि केंद्र और राज्य सरकार की ओर से करवाए गए सर्वेक्षण से पता चला कि सरकारी स्कूलों में अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाई न होने के चलते ही अभिभावक निजी स्कूलों को अधिक तवज्जो दे रहे हैं। मौजूदा शैक्षणिक सत्र में सरकार ने पहली और दूसरी कक्षा में अंग्रेजी माध्यम लागू किया है। पहली और दूसरी कक्षा में हिंदी, अंग्रेजी और गणित विषय पढ़ाए जाते हैं। इन कक्षाओं में गणित को अंग्रेजी में पढ़ाया जाता है। तीसरी से पांचवीं कक्षा में गणित, पर्यावरण, हिंदी और अंग्रेजी विषय पढ़ाए जाते हैं। नए सत्र से गणित और पर्यावरण विषय अंग्रेजी माध्यम में पढ़ाए जाएंगे। नए शैक्षणिक सत्र से प्रदेश में लागू होने वाली नई व्यवस्था को सफलतापूर्वक चलाने के लिए प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय ने 20 हजार शिक्षकों को प्रशिक्षण भी दे दिया है। ये अध्यापक पहली से पांचवीं तक के बच्चों को पढ़ाएंगे। बीते दिनों ही जिला और ब्लाॅक स्तर पर प्रशिक्षण की प्रक्रिया पूरी की गई। राज्य सरकार ने नई व्यवस्था को शुरू करने की अनुमति दे दी है। राज्य स्कूल शिक्षा बोर्ड को अंग्रेजी माध्यम की किताबें छापने को कह दिया है। नए शिक्षा सत्र से सभी प्राइमरी स्कूलों की कक्षाएं इंग्लिश मीडियम पर चलेंगी। शिक्षा विभाग को उम्मीद है कि इस प्रक्रिया से एनरोलमेंट भी बढ़ेगी।
हिमाचल प्रदेश के जिला कुल्लू जिला मुख्यालय के समीप गांधीनगर में बीती रात आग की एक घटना सामने आई है। यहां पर पार्किंग में खड़ी छह गाड़ियां जलकर राख हो गई हैं। आज की इस घटना में करीब 20 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। सूचना मिलने के बाद दमकल की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। अग्निशमन विभाग के सब फायर ऑफिसर प्रेम भारद्वाज ने कहा कि आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है।
कुनिहार नालागढ़ मार्ग गंबरपुल पर सीपीएस व अर्की के विधायक संजय अवस्थी एक बार फिर गंबरपुल पहुंचे, जहां बारिश की वजह से लोगो को भारी नुकसान हो रहा है। गौर रहे कि पिछले सोमवार को दोपहर में वहां बादल फटा, जिससे गांव के नीचे गंबरपुल पर एक ढाबा बिल्कुल तबाह हो गया व दुकानों और लोगो के घरों के अंदर पानी व मलवा घुसने से भारी नुकसान हुआ था। वहीं एक घर में पानी काफी तेज बहाव से घुसा था। वीरवार रात को फिर बरसात ने अपना रौद्र रूप दिखाया। आज सीपीएस संजय अवस्थी ने एक बार फिर यहां पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया व पीडब्ल्यूडी विभाग को आदेश दिया कि यहां पानी की निकासी के लिए ड्रेनेज, व डंगे का कार्य जल्द शुरु किया जाए। उन्होंने लोगो को आश्वासन दिया कि सरकार हर संभव सहायता के लिए आपके साथ खड़ी है। वहीं इस मौके पर एसडीओ पीडब्ल्यूडी कुनिहार जेएन शर्मा, जूनियर इंजीनियर पुनीत शर्मा सहित अन्य लोग मौजुद रहे।
धर्मशाला में रविवार 30 जून को आयोजित होने वाली एचएएस परीक्षा के लिए 12 केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा का आयोजन सीसीटीवी निगरानी में होगा। यह जानकारी एडीसी सौरभ जस्सल ने आज एचएएस परीक्षा के संचालन की तैयारियों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी। उन्होंने कहा कि धर्मशाला में एचएएस परीक्षा के लिए राजकीय महाविद्यालय में दो सेंटर बनाए गए हैं, जबकि जिला शिक्षा प्रशिक्षण संस्थान डाइट, आईटीआई दाड़ी, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला पास्सु, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला दाड़ी, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला खन्यारा, डीएवी पब्लिक स्कूल कोतवाली, सेक्रड हर्ट स्कूल सिद्ववाड़ी, बीएड कालेज, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक कन्या पाठशाला धर्मशाला, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला ब्वायज धर्मशाला में केंद्र निर्धारित किए गए हैं इन केंद्रों में 2855 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। एडीसी सौरभ जस्सल ने बताया कि सभी अभ्यर्थियों को परीक्षा आरंभ होने से एक घंटे पहले केंद्र में पहुंचना होगा। परीक्षा दस बजे से दो बजे तक आयोजित होगी। उन्होंने कहा कि केंद्र में गैजेट ले जाने पर रोक रहेगी इसके साथ ही सुरक्षा के भी कड़े प्रबंध किए गए हैं।
हिमाचल प्रदेश चुनाव आयुक्त के निर्देशानुसार लोकसभा चुनाव-2024 के दौरान उपयोग में लाई गई इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ई.वी.एम.) तथा वोटर वैरिफाइड पेपर ऑडिट ट्रेल (वी.वी.पैट.) मशीन से अड्रेस टैग तथा पेपर रोल आज अतिरिक्त उपायुक्त सोलन अजय कुमार यादव की देख-रेख में निकाले गए। इस अवसर पर समस्त इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ई.वी.एम.) तथा वोटर वैरिफाइड पेपर ऑडिट ट्रेल (वी.वी.पैट.) मशीन एड्रेस टैग तथा पेपर रोल मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में निकाले गए। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के मंजुल, बहुजन समाज पार्टी के राकेश बराड़ सहित तहसीलदार निर्वाचन ऊषा चौहान, नायब तहसीलदार निर्वाचन दीवान सिंह ठाकुर इस अवसर पर उपस्थित थे।
प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल 30 जून, 2024 (रविवार) को सोलन के प्रवास पर आ रहे हैं। शिव प्रताप शुक्ल 30 जून, 2024 को प्रातः 11.30 बजे सोलन के शमलेच में री-फोरेस्टर सभा द्वारा आयोजित 9वें वृक्षारोपण कार्यक्रम की अध्यक्षता करेंगे।
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश सरकार की महत्त्वकांक्षी इंदिरा गांधी प्यारी बहना सुख-सम्मान निधि योजना महिलाओं के सामाजिक आर्थिक उत्थान में सहायक सिद्ध हो रही है। योजना के अंतर्गत प्रदेश सरकार की 18 वर्ष और इससे अधिक आयु वर्ग की पात्र महिलाओं को प्रतिमाह 1500 रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है। उन्होंने कहा कि इस योजना के अंतर्गत जिला ऊना के हरोली में 7,280 महिलाओं को 3.27 करोड़ रुपये से लाभान्वित किया गया है। इस योजना के तहत प्रदेश की 48,000 महिलाओं को तीन महीने की सम्मान निधि के रूप में 4500 रुपये प्रति महिला वित्तीय सहायता प्रदान की गई है। प्रदेश सरकार द्वारा महिला उत्थान और कल्याण की दृष्टि से शुरू की गई इस अभिनव योजना के अंतर्गत 23 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के विकास में महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है। इस योजना से महिलाएं वित्तीय रूप से स्वावलंबी बन रही है और सम्मानजनक तरीके से जीवन व्यतीत कर रहे हैं। प्रदेश सरकार ग्रामीण आर्थिकी को सुदृढ़ करने और महिलाओं को सशक्त करने की दिशा में निरन्तर प्रयासरत है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में इस योजना के सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहे हैं। यह योजना लैंगिक समानता की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि इंदिरा गांधी प्यारी बहना सुख-सम्मान निधि योजना समाज के हर वर्ग के कल्याण के लिए किए जा रहे सरकार के प्रयासों को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि तमाम वित्तीय चुनौतियों के बावजूद प्रदेश सरकार राज्य की अर्थव्यवस्था सुदृढ़ करने और समाज के चहुंमुखी विकास सुनिश्चित करने के लिए कार्य कर रही है।
**राष्ट्रीय सांख्यिकी दिवस पर धर्मशाला में कार्यक्रम आयोजित उपायुक्त हेमराज बैरवा ने कहा कि सभी विभागीय अधिकारियों तथा कर्मचारियों को अपने अपने विभागों में कार्यक्रमों एवं योजनाओं को कारगर तरीके से संचालन के लिए डाटा के संकलन तथा उसके उपयोग को लेकर प्रशिक्षण अत्यंत जरूरी है। आज उपायुक्त कार्यालय के सभागार में राष्ट्रीय सांख्यिकी दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि उपायुक्त हेमराज बैरवा ने कहा कि सार्वजनिक सेवाएँ किसी भी राष्ट्र की रीढ़ होती हैं, और डाटा का लाभ उठाकर इसकी वितरण और दक्षता में काफी सुधार किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि डाटा विश्लेषण से उपलब्ध जानकारी सरकार को महत्वपूर्ण मुद्दों की पहचान करने, नीतिगत हस्तक्षेपों को प्राथमिकता देने और विभिन्न नीति विकल्पों के संभावित परिणामों का आकलन करने में सक्षम बनाती है। डाटा विश्लेषण के आधार पर ही योजनाओं का सही आकलन किया जा सकता है तथा उसमें सुधार के लिए ठोस कदम उठाए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि डाटा संकलन सभी विभागों के लिए अत्यंत जरूरी है तथा इसी दिशा में सांख्यिकी विभाग के माध्यम से सभी विभागीय अधिकारियों के नियमित तौर पर प्रशिक्षण की व्यवस्था करनी चाहिए। इस अवसर पर सांख्यिकी के जनक पीसी महालेनोबिस के योगदान पर भी चर्चा की गई। इससे पहले सांख्यिकी विभाग के आर्थिक सलाहाकार विनोद राणा ने मुख्यातिथि का स्वागत करते हुए निर्णय लेने में डाटा के उपयोग के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की गई। जिला अनुसंधान अधिकारी स्वर्ण लता शर्मा ने सभी प्रतिभागियों का कार्यक्रम में भाग लेने के लिए आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर एडीएम डा हरीश गज्जू तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी तथा कर्मचारी उपस्थित थे।
**आचार संहिता के कारण अभी नहीं कर सकते किसी योजना की घोषणा **होशियार सिंह ने अपने राजनीतिक फायदे के लिए बेची विधायकी मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि पौंग बांध विस्थापितों की समस्या को समझता हूं। हमारी सरकार किसी का घर खाली नहीं करवाती, बल्कि घर बनाने के लिए तीन गुणा राशि देती है। देहरा की जनता और पौंग बांध विस्थापितों के लिए अगर कानून भी बदलना पड़े तो बदलेंगे। चुनाव आचार संहिता के कारण अभी किसी तरह की कोई घोषणा नहीं कर सकते। लेकिन, विस्थापितों की हर संभव मदद की जाएगी। मुख्यमंत्री देहरा में कांग्रेस उम्मीदवार कमलेश ठाकुर के चुनाव प्रचार के दौरान यूथ कांग्रेस के युवा सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पूर्व आजाद विधायक ने अपने राजनीतिक फायदे व लोकतंत्र को कमजोर करने के लिए विधायकी बेची है। वह भाजपा की राजनीतिक मंडी में दूसरी बार विधायक बनने के 14 माह बाद ही बिक गए। ठाकुर सुखविंदर सिंह ने कहा कि लोगों ने उन्हें दूसरी बार 5 साल के लिए आजाद विधायक चुना था। वह जिसकी सरकार आती उससे काम करवा सकते थे। देहरा की जनता को होशियार से पूछना चाहिए कि वह न कांग्रेस के थे न भाजपा के, फिर क्या मुसीबत आ पड़ी कि इस्तीफा दे दिया। कांग्रेस सरकार काम नहीं कर रही थी तो भाजपा के साथ विपक्ष में बैठ जाते, उपचुनाव थोपने की जरूरत क्या थी। उन्हें विधायक व ऐच्छिक निधि मिलती रहती, उससे जनता के काम करते। भाजपा व होशियार सिंह ने जनभावनाओं से खिलवाड़ करते हुए यह उपचुनाव जबरदस्ती थोपा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बिकने के बाद होशियार सिंह एक महीना देहरा विधानसभा क्षेत्र में नहीं आए। सरकार गिराने में लगे रहे, इस्तीफा स्वीकार करवाने के लिए धरने पर बैठे। कोई आजाद विधायक ऐसे इस्तीफा नहीं देता, यह सामान से भरे उस अटैची का दबाव था जो भाजपा से मिला था। जल्दी इस्तीफा मंजूर करने का दबाव निर्दलीय विधायक इसलिए बना रहे थे, क्योंकि दूसरी क़िस्त विधायकी छोड़ने के बाद ही मिलनी थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि होशियार सिंह बताएं, देहरा की जनता व सेंट्रल यूनिवर्सिटी के लिए उन्होंने कभी धरना दिया। वह केवल अपने स्वार्थ के लिए विधानसभा के बाहर धरने पर बैठे। जिस कमल को खिलाने के लिए भाजपा के ईमानदार कार्यकर्ताओं ने पसीना बहाया, होशियार सिंह ने उसकी कमल को खरीद लिया। भाजपा के कर्मठ व ईमानदार कार्यकर्ताओं से मेरा अनुरोध है कि वह कांग्रेस उम्मीदवार को वोट दें, चूंकि यह चुनाव कांग्रेस और बिके हुए विधायक के बीच है। होशियार सिंह ने देहरा का विकास रोक रखा। अगर पूर्व विधायक महीने का 15 करोड़ रुपये खर्च करते हैं तो फिर क्षेत्र का विकास क्यों नहीं करवाया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सेंट्रल यूनिवर्सिटी का काम देहरा में उन्होंने शुरू करवाया, फॉरेस्ट क्लियरेंस करवाई। 680 करोड़ की लागत से जूलॉजिकल पार्क बना रहे हैं, जिसमें जंगल सफारी, बड़े होटल व अन्य सुविधाएं होंगी। 2000 युवाओं को इसमें रोजगार मिलेगा। मेरा युवाओं से आग्रह है कि 10 जुलाई को भाजपा की खरीद फरोख्त की राजनीति पर वोट के जरिये चोट करें। यह समय कमल खरीदने व जनता को धोखा देने वालों को सबक सिखाने का है। देहरा की जनता कमलेश ठाकुर को चुनाव जिताकर भेजे, साढ़े तीन साल में क्षेत्र की सूरत बदल जाएगी और अथाह विकास होगा। यह चुनाव ईमानदारी व बेईमानी के बीच है। बिकाऊ पूर्व विधायक ने देहरा की जनता से बार-बार झूठ बोला, क्षेत्र में समस्याओं का अंबार लगा हुआ है। कमलेश के जीतने के बाद देहरा की हर समस्या हल कर दी जाएगी। देहरा की जनता सरकार में भागीदार बनने के लिए वोट करें, विपक्ष में बैठने के लिए। सरकार के साथ चलने पर ही देहरा विकास की नई गाथा लिखेगी। इस मौके पर आयुष मंत्री यादविंदर गोमा, चेयरमैन कैबिनेट रैंक भवानी पठानिया, विधानसभा में डिप्टी व्हिप केवल सिंह पठानिया, विधायक संजय रत्न, पूर्व मंत्री कुलदीप कुमार, चेयरमैन नरदेव कंवर, संजय चौहान, पूर्व विधायक योगराज, अजय महाजन, कांग्रेस के कोषाध्यक्ष डॉ राजेश शर्मा, ब्लॉक अध्यक्ष पुष्पिंदर ठाकुर, पूर्व उम्मीदवार पवन ठाकुर, युवा कांग्रेस अध्यक्ष कुलविंदर इत्यादि मौजूद रहे।
** हृदय रोग, हड्डी रोग, रेडियोलॉजी, त्वचा रोग, मेडिसन व नाक-कान-गले के रोगों की निःशुल्क स्वास्थ्य जांच की जाएगी जनजातीय जिला किन्नौर के जिंदल संजीवनी अस्पताल शोल्टू में जे.एस.डब्लयू व स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वाधान में 04 जुलाई से 06 जुलाई, 2024 तक निःशुल्क बहु-विशिष्टता स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया जाएगा। यह जानकारी आज यहां जे.एस.डब्लयू के सी.एस.आर प्रमुख दीपक डैविड ने दी। उन्होंने बताया कि इस तीन दिवसीय निःशुल्क बहु-विशिष्टता स्वास्थ्य जांच शिविर में प्रातः 09ः30 बजे से सायं 05ः30 बजे तक आम जनता की निःशुल्क स्वास्थ्य जांच की जाएगी तथा रोगियों का मुफ्त ईलाज करने के साथ-साथ उन्हें मुफ्त दवाईयां भी वितरित की जाएंगी। इसके अलावा यदि किसी रोगी को गंभीर बीमारी है तो वह उस रोग के आगे के ईलाज के लिए निवेदन कर सकता है। इस निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर में इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज शिमला के विशेषज्ञों द्वारा स्वास्थ्य जांच की जाएगी। स्वास्थ्य जांच शिविर में हृदय रोग, हड्डी रोग, रेडियोलॉजी, त्वचा रोग, मेडिसन व नाक-कान-गले के रोगों की निःशुल्क स्वास्थ्य जांच कर मुफ्त दवाईयां भी वितरित की जाएंगी। उन्होंने जिला के सभी लोगों से आग्रह किया कि इस तीन दिवसीय निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का लाभ उठाएं तथा अपनी स्वास्थ्य जांच करवाएं व दवाईयां प्राप्त करें।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, कुफ़टू में शुक्रवार को स्कूल प्रबंधन समिति की आम सभा का आयोजन किया गया। आम सभा के माध्यम से प्रबंधन समिति में सत्र समाप्ति पर रिक्त हुए सदस्यों के पदों के स्थान पर नए सदस्यों का चयन आम सहमति से किया गया, जिसमें प्रधान दीक्षा शर्मा, सदस्य सचिव स्मृति नेस्टा, कार्यकारिणी सदस्य रंजना, उमा देवी, रीता देवी, कान्ता देवी, वीना शर्मा, विनिता शर्मा, सुमित्रा देवी, पूनम गर्ग, विमला देवी, लेख राम, कौशल्या, ज्ञान चंद गर्ग, मीना शर्मा, किरण गर्ग, पदेन सदस्य किशोर गर्ग प्रधान ग्राम पंचायत जधाणा तथा अध्यापक सदस्य तरूण नेस्टा व दीपिका पुंडीर को चुना गया। आम सभा में प्रभारी समग्र शिक्षा संजय कुमार ने अभिभावकों का स्वागत किया और वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। तरूण नेस्टा प्राध्यापक व प्रभारी बोर्ड परीक्षा ने शिक्षा सत्र 2023-24 में विद्यालय के बोर्ड परीक्षा परिणाम को प्रस्तुत किया। मनु महेश शर्मा प्रशिक्षित स्नातक अध्यापक ने क्लस्टर कमेटी व पीटीए फ॔ड व उपयोग पर प्रकाशा डाला। अभिजीत बादुडी प्राध्यापक वाणिज्य व प्रभारी स्कॉलरशिप ने केंद्र व राज्य सरकार द्वारा संचालित की जा रही विभिन्न छात्रवृत्ति से संबंधित अभिभावकों को जानकारी दी। प्रधान स्कूल प्रबंधन समिति दीक्षा शर्मा ने विद्यालय में रिक्त पड़े प्रवक्ता रसायन शास्त्र, प्रवक्ता समाज शास्त्र, प्रवक्ता कम्प्यूटर सांईस,डीपीई व लिपिक के पदो को भरने के लिए सरकार से बच्चों के भविष्य को मध्य नजर रखते शीघ्र भरने का आग्रह किया। अंत में प्रधानाचार्य स्मृति नेस्टा ने विद्यालय में चल रही गुणात्मक शिक्षा व विभिन्न गतिविधियों के सफल संचालन के लिए सभी शिक्षक व अभिभावक को साधुवाद व बधाई दी। गत शिक्षा सत्र में विद्यालय के उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम व अन्य क्षेत्र में उपलब्धियों के लिए सभी की सराहना व प्रशंसा की।
शिमला: हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग की ओर से 30 जून को हिमाचल प्रशासनिक सेवा (HAS) का एग्जाम होगा। सभी अभ्यर्थियों को एग्जाम शुरू होने से एक घंटे पहले पहुंचना होगा। सुबह और शाम को दो सत्र में ये एग्जाम होगा। इस बार आयोग की ओर से अभ्यर्थियों को ये भी निर्देश दिए गए हैं कि परीक्षा में केवल काले या नीले रंग के पेन का ही प्रयोग करना होगा। एचएएस एग्जाम के लिए अभ्यर्थी अधिकारिक वेबसाइट www.hppsc.hp.gov.in से ई-एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं। इसके अलावा एग्जाम सेंटर में फोन और किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक गैजेट ले जाने पर पूरी तरह से मनाही है। इसके साथ ही एग्जाम सुबह 10 बजे से शुरू होगा। वहीं, शाम के सत्र की परीक्षा 2 बजे से शुरू होगी। हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा (HAS) की प्रीलिमिनरी परीक्षा में 32,371 उम्मीदवार बैठेंगे। इस परीक्षा के लिए हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग ने लाहौल-स्पीति को छोड़कर सभी जिलों में एग्जाम सेंटर स्थापित किए हैं। एचएएस एग्जाम के लिए कुल 119 एग्जाम सेंटर स्थापित किए हैं। इन परीक्षा केंद्रों में सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए जाएंगे, इसके लिए लोक सेवा आयोग ने तैयारियां कर ली है। वहीं, एग्जाम सेंटर में जैमर लगाए जाएंगे। इसके अलावा सीसीटीवी कैमरों के जरिए भी एग्जाम सेंटरों पर नजर रखी जाएगी. इस दौरान सीसीटीवी फुटेज को मॉनिटर किया जाएगा, ताकि एग्जाम के दौरान कोई गड़बड़ी न हो। एग्जाम सेंटर उन्हीं स्कूलों में बनाए गए हैं, जहां पर सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं। आयोग की ओर से एचएएस की प्रीलिमिनरी एग्जाम के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. एग्जाम सेंटरों पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं।
**मुख्यमंत्री ने ऊना के अघलौर में 10 मेगावाट सौर ऊर्जा परियोजना का किया शिलान्यास मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने बीते कल जिला ऊना के कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र के अघलौर में 10 मेगावाट सौर ऊर्जा परियोजना का शिलान्यास किया। यह सौर ऊर्जा परियोजना 19 हेक्टेयर क्षेत्रफल में तीन माह में बनकर तैयार हो जाएगी, जिसमें प्रति वर्ष 22.73 मिलियन यूनिट बिजली का उत्पादन होगा। इस परियोजना से राज्य को राज्य सरकार को प्रति वर्ष आठ करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त होगा और 791 टन कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी। इस अवसर पर आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला ऊना में यह दूसरी सौर ऊर्जा परियोजना है तथा इससे पहले पेखूबेला में भी 32 मेगावाट क्षमता की सौर परियोजना रिकॉर्ड छह महीने में तैयार की गई है। पेखूबेला परियोजना से राज्य सरकार को प्रति वर्ष 20 करोड़ रुपए का राजस्व प्राप्त होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश विद्युत सरप्लस राज्य होने के बावजूद अक्तूबर से मार्च महीने तक बिजली खुले बाजार से खरीदता है जिस पर लगभग 1500 करोड़ रुपए व्यय किए जाते हैं। उन्होंने कहा कि सर्दियों में पानी कम होने की वजह से जलविद्युत परियोजनाओं में विद्युत उत्पादन कम हो जाता है, जिस कारण राज्य की आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए बाजार से बिजली खरीदनी पड़ती है। ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि राज्य सरकार ने ग्रीन हाइड्रोजन के उत्पादन के लिए ऑयल इंडिया कम्पनी के साथ समझौता किया है और सौर ऊर्जा के दोहन पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार निजी क्षेत्र में भी सौर ऊर्जा दोहन को बढ़ावा दे रही है और एक वर्ष में 200 मेगावाट सौर ऊर्जा के दोहन का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार हिमाचल प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है और सौर ऊर्जा का दोहन इसी दिशा में उठाया गया कदम है। ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि हिमाचल प्रदेश को जल विद्युत परियोजनाओं से 12 प्रतिशत रॉयल्टी मिल रही है, जो कि बेहद कम है। उन्होंने कहा कि सतलुज जल विद्युत निगम लिमिटेड (एसजेवीएनएल) अघलौर में सौर ऊर्जा परियोजना स्थापित करना चाहती थी, लेकिन राज्य सरकार ने इसे स्वयं संचालित करने का निर्णय लिया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार विभिन्न विकासात्मक परियोजनाओं के लिए धन की उपलब्धता सुनिश्चित कर रही है और हिमाचल को आत्मनिर्भर राज्य बनाने की दिशा में आगे बढ़ रही है, जो राज्य सरकार की दृढ़ इच्छाशक्ति का प्रत्यक्ष प्रमाण है। उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर के नेतृत्व में पिछली भाजपा सरकार हिमाचल प्रदेश के हितों का संरक्षण करने में असफल रही। इसके विपरीत वर्तमान राज्य सरकार प्रदेश के संसाधनों का सर्वोत्तम दोहन कर इनका संवर्द्धन भी सुनिश्चित कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पिछले डेढ़ वर्ष के कार्यकाल में प्रदेशवासियों के लिए अनेक कल्याणकारी निर्णय लिए हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की प्रतिबद्धता और दूरदर्शी निर्णयों से एक वर्ष में हिमाचल प्रदेश को 2200 करोड़ रुपए की अतिरिक्त आय प्राप्त हुई है और इस धनराशि का उपयोग कर प्रदेश के लोगों के कल्याण के लिए योजनाएं बनायी जा रही हैं। राज्य सरकार ने प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना को बहाल किया और महिलाओं को प्रतिमाह 1500 रुपये प्रदान किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इंदिरा गांधी प्यारी बहना सुख सम्मान निधि योजना के तहत महिलाओं को प्रतिवर्ष 18000 रुपये प्रदान किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि भाजपा ने एक षडयंत्र के तहत लोकतांत्रिक प्रक्रिया से चुनी हुई सरकार को गिराने का प्रयास किया, लेकिन प्रदेश के लोगों ने धन-बल की राजनीति को नकार दिया है और हिमाचल प्रदेश विधानसभा में कांग्रेस विधायकों की संख्या बढ़कर 38 हो गई है। उन्होंने कहा कि कि निर्दलीय विधायकों से लोग सवाल पूछ रहे हैं कि उन्होंने इस्तीफा क्यों दिया। अगर उनके काम कांग्रेस सरकार में नहीं हो रहे थे तो वह भाजपा के साथ बैठ जाते, लेकिन दोबारा चुनाव लड़ने और प्रदेश पर उप चुनाव का खर्च थोपने की क्या आवश्यकता थी। उन्होंने कहा कि निर्दलीय विधायकों ने भाजपा के साथ षडयंत्र रचा पर भाजपा को उन पर विश्वास नहीं था इसलिए तीनों निर्दलीय विधायकों को दोबारा चुनाव लड़ने को कहा है। उन्होंने कहा कि राज्य की जनता निर्दलीय विधायकों को उप चुनाव में सबक सिखाएगी क्योंकि विपक्ष में बिठाने के लिए जनता वोट नहीं देती। मुख्यमंत्री ने कुटलैहड़ विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस के प्रत्याशी विवेक शर्मा को निर्वाचित करने के लिए क्षेत्र के लोगों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे ईमानदारी से क्षेत्र के तीव्र विकास के लिए हमेशा तत्पर रहते हैं। इस अवसर पर स्थानीय विधायक विवेक शर्मा ने मुख्यमंत्री का कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र में स्वागत किया। उन्होंने 10 मेगावाट की सौर ऊर्जा परियोजना के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता विजय डोगरा, उपायुक्त जतिन लाल, निदेशक वित्त शिवम प्रताप सिंह सहित अन्य व्यक्ति उपस्थित थे।


















































