स्विमिंग एसोसिएश हमीरपुर द्वारा स्थानीय ऑलमाइटी शिक्षण संस्थान स्थित बेहतर सुविधाजनक स्विमिंग पूल में द्वितीय जिला स्तरीय स्विमिंग चैंपियनशिप का आयोजन करवाने जा रहा है। यह जिला स्तरीय प्रतियोगिता 23 जून को आयोजित होगी। जानकारी देते हुए एसोसिएशन की जिला उपाध्यक्ष पूजा मिन्हास ने बताया कि इस प्रतियोगिता में भाग लेने वाले खिलाड़ी 21 जून तक आवेदन कर सकते हैं। प्रतियोगिता में मास्टर युवा वर्ग में 6 से 9 वर्ष सब जूनियर वर्ग में ,10 से 13 वर्ष से जूनियर वर्ग में ,14 से 18 सीनियर वर्ग में और 19 वर्ष से अधिक वर्ष के लिए आयु के खिलाड़ी भी इस प्रतियोगिता में भाग ले सकते हैं। सभी वर्गों के लिए 50 मीटर फ्री स्टाइल,100 मीटर फ्री स्टाइल, 50 मीटर बैक स्ट्रोक,100 मीटर फ्री, बैक स्ट्रोक, 50 मीटर बटरफ्लाई स्ट्रोक, 100 मी बटरफ्लाई स्ट्रोक एवं 50 मीटर ब्रेस्ट स्ट्रोक, 100 मीटर ब्रेस्ट स्ट्रोक इत्यादि ,फ्री स्टाइल प्रतियोगिताएं करवाई जाएँगी। स्विमिंग एसोसिएशन ऑफ जिला हमीरपुर के जिला अध्यक्ष रविंद्र चौधरी एवं जिला उपाध्यक्ष से पूजा मिन्हास एवं जिला महासचिव नीलम शर्मा ने बताया कि हमीरपुर में पहली बार हिमाचल प्रदेश स्विमिंग एसोसिएशन के तत्वधान में जिला स्विमिंग एसोसिएशन हमीरपुर के बैनर तले स्विमिंग प्रतियोगिता का आयोजन करवाया जा रहा है। चैंपियनशिप में बतौर ऑब्जर्वर हिमाचल प्रदेश स्विमिंग एसोसिएशन के राज्य महासचिव इशान अख्तर विशेष रूप से शिरकत करेंगे। चैंपियनशिप के आयोजन सचिव पूजा मिन्हास ने इस प्रतियोगिता में खिलाड़ियों से अधिक से अधिक भाग लेने की अपील की है। पंजीकरण एवं अधिक जानकारी के लिए खिलाड़ी 94180 96496 एवं 9015076150 पर संपर्क कर सकते हैं।
पालमपुर के लोहना चौक में अब बच्चों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं प्राप्त होंगी। एमडी (पीजीआई) बाल रोग विशेषज्ञ डा. अरविंद शर्मा द्वारा यहां अरविंद चाइल्ड केयर सेंटर खोला गया है। डा. अरविंद शर्मा ने 33 वर्ष तक सरकारी क्षेत्र में विभिन्न चिकित्सालयों में अपनी सेवाएं दी हैं। सरकारी अस्पताल से सेवानिवृति के बाद उन्हाेंने अरविंद चाइल्ड केयर सेंटर आरंभ किया है। डा. अरविंद शर्मा ने बताया कि शुरुआत में यहां पर अभी बच्चों की ओपीडी आरंभ की गई है। इसके बाद इंडोर सुविधा के साथ फोटोथैरेपी (नवजात बच्चों के लिए पीलिया) एवं लैब की सुविधा भी आरंभ की जाएगी। उन्होने बताया कि चाइल्ड केयर सेंटर में रविवार को छोड़कर ओपीडी सुबह 9.30 से दोपहर 1.30 व सांय 3.30 से 6.30 बजे तक रहेगी जबकि रविवार को सुबह 10.30 से 1.30 तक ओपीडी होगी।
हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में बच्चों को मिलने वाले मिड डे मिल की गुणवत्ता पर हमेशा से सवाल उठते है लेकिन अब बच्चों के अभिभावक भी स्कूल में मिलने वाले भोजन की गुणवत्ता की जांच कर सकेगें| जी हां अब हिमाचल के सरकारी स्कूलों में बच्चों को दोपहर का भोजन उनके माता-पिता प्रदेश के सरकारी स्कूलों में प्री नर्सरी से आठवीं कक्षा तक बच्चों को मिलने वाले मिड डे मील को लेकर नए निर्देश जारी किए हैं। इसके तहत अब भोजन बच्चों को उनके माता-पिता या एसएमसी सदस्य से चखाने के बाद परोसा जाएगा। प्रदेश भर में प्री नर्सरी से आठवीं कक्षा तक के 5.34 लाख बच्चों को दोपहर का भोजन दिया जा रहा है। पहले जैसा भी खाना बनाया जाता था, उसे सीधे बच्चों को बांट दिया जाता था। इसकी वजह से बच्चों को कई बार खराब खाना मिल जाता था। लेकिन अब इस नए निर्देश के बाद अभिभावक या फिर एमडीएम प्रभारी को पहले खाने की टेस्टिंग करनी होगी।हर दिन किसी न किसी बच्चे के अभिभावकों को स्कूल आकर खाना टेस्ट करना होगा। खाने का स्वाद, गुणवत्ता को लेकर भी उन्हें बताना होगा। इसके लिए उनके हस्ताक्षर भी लिए जाएंगे
उत्तर भारत की सबसे कठितम धार्मिक यात्रा श्रीखंड महादेव यात्रा है जो जुलाई महीने में शुरू होने वाली है। अभी यात्रा की आधिकारिक तिथियों की घोषणा नहीं हुई है| निरमंड प्रशासन ने निर्देश जारी किए हैं कि आधिकारिक तिथियों की घोषणा से पहले कोई भी व्यक्ति अथवा यात्री अनाधिकृत तरीके से यात्रा न करें। अगर कोई अनाधिकृत तरीके से उपरोक्त यात्रा में जाता हुआ पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अभी उपरोक्त यात्रा मार्ग में काफी बर्फ है और रास्ते भी खराब हैं, जिसकी मरम्मत प्रशासन द्वारा अभी की जानी है। प्रशासन ने स्थानीय टैंट मालिकों तथा पर्यटक गाइड से भी अनुरोध किया है कि वे अनाधिकृत तरीके से श्रद्धालुओं को यात्रा में जाने के लिए प्रोत्साहित न करें। एसडीएम मनमोहन सिंह ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि जुलाई माह में जब भी प्रशासन द्वारा यात्रा का संचालन किया जाएगा। केवल उसी समय श्रीखंड महादेव यात्रा करें।
ज्वालामुखी उपमंडल के तहत सियालकड स्कूल में प्रधानाचार्य विनोद कौंडल ने आज विद्यालय प्रभारी का पदभार संभाला। जिला ऊना के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बढेड़ा से स्थानान्तरण राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सियालकड़ में हुआ है। मार्च महीने के बाद विद्यालय में प्रधानाचार्य का पद रिक्त चल रहा था जो आज महोदय के पदभार संभालने से भर गया है । विद्यालय परिवार महोदय का हार्दिक स्वागत करता है तथा नई ऊर्जा नए जोश के साथ कार्य करने हेतु प्रतिबद्धता प्रकट करता है।
**विधायक दल की बैठक में शामिल हुए नेता प्रतिपक्ष, विभिन्न विषयों पर हुई चर्चा शिमला: पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने शिमला से जारी वक्तव्य में कहा कि अब प्रदेश से आचार संहिता हटी गई है। इसलिए सरकार द्वारा करवाए जाने वाले किसी भी प्रकार के विकास कार्य करने पर किसी भी तरह की रोक भी नहीं है। अतः अब सरकार डेढ़ साल से बंद पड़े विकास कार्यों की शुरुआत करे। जब से कांग्रेस सत्ता में आई है तब से विकास के सारे काम रूके हुए हैं। अस्पताल से लेकर स्कूल के चलते हुए काम बंद हैं। सड़कों से लेकर पुलों के काम रूके हुए हैं। आपदा के बाद से सड़कों पर पड़ा मलबा नहीं उठाया जा सका है। जिससे लोगों की बहुत असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि अब सरकार जनहित के मुद्दों पर गंभीरता से काम करे। अपनी चुनावी गारंटियों को पूरा करे। जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश भर में जल संकट गहरा रहा है। समाचारों में हर दिन पानी की आपूर्ति बाधित होने की खबरें आ रही हैं। जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। लोगों को जलापूर्ति नियमित रूप से होती रहे इसके लिए सरकार गंभीरता से काम करते हुए प्रभावी कदम उठाए। जिससे प्रदेश में जलापूर्ति बाधित न होने पाए। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर शिमला में भाजपा विधायक दल की बैठक में शामिल हुए। बैठक शाम सात बजे प्रारंभ हुई। इस दौरान प्रदेश अध्यक्ष डॉ राजीव बिंदल भी उनके साथ रहे। बैठक में हाल में संपन्न हुए लोकसभा आम चुनाव और विधानसभा उपचुनाव पर चर्चा हुई। इसके साथ बुधवार को होने नव निर्वाचित विधायकों के शपथ ग्रहण और आगामी विधानसभा उपचुनाव पर भी चर्चा हुई। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा से बात कर स्वास्थ्य तथा रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय में कार्यभार सम्भालने पर शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि उनका वर्तमान कार्यकाल पिछले कार्यकाल की तरह स्वास्थ्य के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल करेगा।
धर्मशाला: सहायत अभियंता विद्युत उपमंडल सिद्धपुर कर्मचंद भारती ने बताया कि 13 जून को सुबह 9 बजे से शाम कार्य समाप्ति तक 11 केवी टंग फीडर और 11 केवी बरवाला फीडर के अन्तर्गत आने वाले क्षेत्रों टिकरी, सालिग, बगिआरा, कंड कडियाना, जुहल, दिक्तु, नरवाणा, नरवाणा कस्बा, बलेहर, तंगरोटी, उथड़ा ग्रां, दराड़े का बल्ला, रसेहर, फतेहपुर, बागणी, तपोवन, झिओर, बरवाला, सिद्धबाड़ी, आधुनिक स्कूल, छैंटी आदि क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति पूर्ण रूप से बाधित रहेगी। उन्होंने लोगों से सहयोग की अपील की है।
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त मनमोहन शर्मा ने नालागढ़ विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में उप-चुनावों के दृष्टिगत भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों की अनुपालना में चुनावी व्यय निगरानी समिति व अन्य दलों के गठन के संबंध में आदेश जारी किए हैं। यह समितियां एवं निगरानी दल उम्मीदवारों द्वारा किए जाने वाले व्यय की दैनिक आधार पर निगरानी करेंगे। आदेशों के अनुसार नालागढ़ विधानसभा क्षेत्र के लिए दो वीडियो सर्विलांस टीम, एक वीडियो व्यूइंग टीम, तीन उड़न दस्ते, तीन स्थैतिक निगरानी दल व एक लेखा टीम गठित की गई है। इसके अतिरिक्त एक ज़िला स्तरीय व्यय निगरानी समिति भी गठित की गई है जिसमें व्यय पर्यवेक्षक, जिला निर्वाचन अधिकारी तथा अतिरिक्त उपायुक्त को सदस्य बनाया गया है। उप-चुनाव की प्रक्रिया स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न करने के दृष्टिगत लाइसेंसधारकों के हथियार जमा करवाने के लिए जिला दण्डाधिकारी की अध्यक्षता में स्क्रीनिंग कमेटी गठित की गई है। पुलिस अधीक्षक सोलन एवं बद्दी पुलिस जिला इसके सदस्य होंगे। इसके अतिरिक्त उप-चुनावों के दृष्टिगत चुनावी प्रक्रिया के सुचारू संचालन के लिए विभिन्न नोडल अधिकारी भी नियुक्त किए गए हैं। अतिरिक्त उपायुक्त अजय कुमार यादव को मानव संसाधन, ईवीएम प्रबंधन और व्यय निगरानी के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, बद्दी अशोक वर्मा को कानून-व्यवस्था, जिला सुरक्षा प्लान से संबंधित नोडल अधिकारी बनाया गया है। स्वीप एवं मतदाता साक्षरता क्लबों के लिए नोडल अधिकारी अतिरिक्त आयुक्त नगर निगम सोलन डॉ. प्रियंका वर्मा, सामग्री प्रबंधन के लिए रजनीश कुमार, आदर्श आचार संहिता की अनुपालना, हेल्पलाइन व शिकायत निवारण, सी-विजिल, सुविधा व एनकोर इत्यादि एप तथा लॉजिस्टिक्स व मतदान दलों के कल्याण के लिए सहायक आयुक्त विवेक शर्मा को नोडल अधिकारी बनाया गया है। पर्यवेक्षक के लिए नोडल अधिकारी जिला पर्यटन अधिकारी पदमा छोदोन, परिवहन प्रबंधन के लिए क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी बद्दी, स्वास्थ्य के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजन उप्पल, मतपत्रों, डाक मतपत्रों व ईडीसी इत्यादि के लिए जिला राजस्व अधिकारी नीरजा शर्मा, प्रशिक्षण प्रबंधन के लिए एसडीएम कंडाघाट सिद्धार्थ आचार्य तथा मीडिया संचार के लिए जिला लोक सम्पर्क अधिकारी हेमन्त कुमार को नोडल अधिकारी बनाया गया है। इसके अतिरिक्त अन्य व्यवस्थाओं के लिए भी नोडल अधिकारी तैनात किए गए हैं।
**जाइका के जैव विविधता विशेषज्ञ डा. एसके काप्टा ने ग्रामीणों को दिए बहतर खेती के टिप्स **हिमालयन रिसर्च ग्रुप के निदेशक डा. लाल ने बिजाई कर दिया डेमोस्ट्रेशन कुल्लू: वाइल्ड लाइफ डिविजन कुल्लू के कोट में जाइका वानिकी परियोजना ने औषधीय पौधे चिरायता की खेती का सफल डेमोस्ट्रेशन का आयोजन किया। परियोजना के विशेषज्ञों ने मंगलवार को बीएमसी सब कमेटी लोट के तहत कोट में ग्रामीणों को चिरायता की खेती के बारे महत्वपूर्ण जिानकारी दी। जाइका वानिकी परियोजना के जैव विविधता विशेषज्ञ डा. एसके काप्टा और हिमालयन रिसर्च ग्रुप के निदेशक डा. लाल सिंह ने बीएमसी सब कमेटी को चिरायता की खेती के लिए बिजाई से लेकर रखरखाव और हार्वेस्टिंग के तरीकों से अवगत करवाया और बिजाई का डेमोस्ट्रेशन दिया। डा. एसके काप्टा ने चिरायता के संरक्षण, बीमारियों से बचाव से लेकर सभी प्रकार की बेहतरीन जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस खेती को प्रोसेस होने में 18 महीने लग जाते हैं। इस तरह के औषधीय पौधों की खेती कर ग्रामीणों को आत्मनिर्भता से आजीविका सुधार करने का मौका मिलेगा। डा. काप्टा ने कहा कि जाइका वानिकी परियोजना इस क्षेत्र में बेहतरीन कार्य कर रही है और डीएफओ वाइल्ड लाइफ कुल्लू की टीम के कार्य भी काफी सराहनीय हैं। उन्होंने बीएमसी सब कमेटी लोट के ग्रामीणों को चिरायता की खेती की ओर अग्रसर होने के लिए प्रोत्साहित किया। इस अवसर पर डीएफओ वाइल्ड लाइफ कुल्लू राजेश शर्मा, एसीएफ कुल्लू राजेश ठाकुर, एसएमएस वाइल्ड लाइफ कुल्लू प्रिया ठाकुर, रेंज ऑफिसर वाइल्ड लाइफ कुल्लू रेंज रमेश कुमार और बीएमसी सब कमेटी लोट के प्रधान दीपी सिंह मौजूद रहे। उल्लेखनीय है कि प्रदेश में विलुप्त होते औषधीय पौधे चिरायता की खेती कर जाइका वानिकी परियोजना को बीते वर्ष पहली कामयाबी मिली थी। बता दें कि जिला मंडी के नाचन वन मंडल के तहत छैन मैगल, बुखरास और रोहाल गांव से संबंध रखने वाली महिलाओं के एक समूह ने औषधीय प्रजातियों की पहली खेप उतार दी थी। ऐसे में अब आने वाले समय में कुल्लू समेत राज्य के अन्य क्षेत्रों में भी चिरायता की सफल खेती होगी, जिससे लोगों की आर्थिकी में भी सुधार आ सकता है।
**मां शूलिनी मेला कमेटी की बैठक में सभी तैयारियां समय रहते पूर्ण करने के दिए निर्देश मां शूलिनी मेला कमेटी की बैठक आज यहां उपायुक्त एवं अध्यक्ष मेला आयोजन समिति मनमोहन शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में 21 जून से 23 जून, 2024 तक आयोजित किए जा रहे इस मेले की तैयारियों की समीक्षा की गई। नालागढ़ विधानसभा क्षेत्र में उप-चुनाव के दृष्टिगत सोलन जिला में आदर्श आचार संहिता लागू होने व इसके तहत जारी दिशा-निर्देशों की अनुपालना सुनिश्चित करने पर भी चर्चा की गई। मनमोहन शर्मा ने कहा कि सोलन के लोगों सहित प्रदेशवासियों की आस्था मां शूलिनी से गहरे से जुड़ी हुई है और उनके नाम पर हर वर्ष आयोजित किए जाने वाले इस मेले को भव्य एवं पारम्परिक ढंग से मनाने के लिए मेला आयोजन समिति से जुड़े सभी सदस्य अपनी तैयारियां समय रहते पूर्ण कर लें। उन्होंने कहा कि मेले को सफलतापूर्वक आयोजित करने में सभी का सहयोग आवश्यक है और आयोजन समिति के सभी सदस्य अपनी भूमिका एवं कर्त्तव्यों का बखूबी निर्वहन करें। उपायुक्त ने कहा कि मेले के प्रथम दिवस प्रातःकाल में शूलिनी माता मंदिर और तत्पश्चात ठोडो ग्राऊंड सोलन मेला मंच में मां शूलिनी की विधिवत पूजा-अर्चना की जाएगी। उन्होंने नगर निगम सोलन को ग्राऊंड की दशा सुधारने तथा साफ-सुथरा रखने के निर्देश दिए। मां शूलिनी की शोभा यात्रा व झांकियों का आयोजन 21 जून को दोपहर लगभग 1.50 बजे मंदिर से प्रस्थान किया जाएगा तथा दोपहर लगभग 2.35 बजे डोली का पार्किंग स्थल पर आगमन होगा। यहां मुख्य अतिथि द्वारा डोली की अगवानी की जाएगी और शोभा यात्रा अपने निर्धारित मार्ग पर आगे बढ़ेगी। उन्होंने मां शूलिनी के दर्शनों के लिए उमड़ने वाली भारी भीड़ के दृष्टिगत श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन एवं बेहतर ढंग से दर्शनों की सुविधा के लिए पुलिस विभाग को आवश्यक प्रबंध करने को कहा। उन्होंने एक स्थल पर झांकियों के न्यूनतम ठहराव और इन्हें गतिमान बनाए रखने व इनके सुचारू संचालन के लिए समुचित प्रबंध करने को भी कहा। उन्होंने कहा कि मेले में भंडारों के आयोजन के दौरान साफ-सफाई, शुद्ध पेयजल का उपयोग व अन्य व्यवस्थाएं बनाए रखने तथा खाद्य सुरक्षा अधिकारी द्वारा नियमित रूप से इनका निरीक्षण सुनिश्चित किया जाए। भंडारों के दौरान प्लास्टिक कटलरी व थर्मोकोल इत्यादि का उपयोग निषेध रहेगा। उन्होंने सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध करने पर बल देते हुए कहा कि संवेदनशील स्थलों पर सीसीटीवी कैमरा स्थापित किए जाएं और ठोडो ग्राऊंड में ड्रोन कैमरा से सुरक्षा निगरानी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि मेला अधिकारी सहित मेले के सफल आयोजन के लिए गठित विभिन्न समितियां अपनी बैठकें इत्यादि कर समय पर सभी प्रबंध पूर्ण कर लें। बैठक में प्रदर्शनी, खेलकूद, चित्रकला प्रतियोगिता, बेबी शो, फ्लावर शो, पेट शो व सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई। इसके अतिरिक्त वित्तीय संसाधनों में वृद्धि, प्रकाशन एवं प्रचार समिति के माध्यम से स्मारिका के प्रकाशन, स्टेज व ग्राऊंड पर बैठने की व्यवस्था, स्टॉल, आवास, परिवहन, क्राफ्ट मेला व स्वागत समिति के दायित्वों पर भी विचार-विमर्श किया गया। उपायुक्त ने मेला ग्राऊंड में साफ-सफाई रखने, शुद्ध पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने, शौचालय सुविधा, प्राथमिक चिकित्सा सहायता का समुचित प्रबंध करने तथा एक एम्बुलेंस, डॉक्टर व पैरा चिकित्सा कर्मी की तैनाती करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने पुलिस विभाग को मेले के दौरान शहर के लिए यातायात व्यवस्था से संबंधित योजना समय पर तैयार करने तथा परिवहन विभाग को स्थानीय स्तर पर शटल बस सुविधा की संभावनाएं तलाशने को भी कहा। उन्होंने अग्निशमन विभाग को किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए फायर टेंडर सहित सभी आवश्यक प्रबंध करने के निर्देश दिए। नगर निगम को तहबाजारी के लिए केवल खुले स्थानों पर ही अनुमति प्रदान करने तथा ध्वनि प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए भी उपाय करने को कहा। मेला अधिकारी एवं अतिरिक्त उपायुक्त अजय कुमार यादव ने बैठक की कार्रवाई का संचालन किया। बैठक में सरकारी सदस्यों के अतिरिक्त कारदारों की ओर से भी बहुमूल्य सुझाव दिए गए। बैठक में पुलिस अधीक्षक सोलन गौरव सिंह, नगर निगम सोलन की आयुक्त एकता काप्टा, सहायक आयुक्त विवेक शर्मा, सोलन, कंडाघाट, कसौली से उपमण्डलाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के उच्चाधिकारी व मेला आयोजन से जुड़े अन्य सदस्य उपस्थित थे।
विकास खंड सोलन की ग्राम पंचायत पट्टाबरावरी में निर्माणाधीन भव्य बांके बिहारी मंदिर में बांके बिहारी विश्व मंगलम सेवाधाम के प्रमुख संस्थापक व आचार्य हरीजी महाराज के कर कमलों द्वारा विधिवत मंत्रोचारण के साथ मंदिर की तीसरी मंजिल पर 25 फुट ऊंची हनुमान जी की मूर्ति स्थापित की गई। सेवाधाम के मीडिया प्रभारी डी डी कश्यप ने बताया कि निर्माणाधीन मंदिर के तीसरी मंजिल पर भव्य बांके बिहारी मंदिर के एक और भगवान शिव व एक और मां भगवती का मंदिर होगा। उसके बिल्कुल सामने आज हनुमान जी की मूर्ति की स्थापना की गई। और जल्द ही अन्य मूर्तियों की स्थापना भी मंदिर में हो जाएगी व भव्य समारोह के साथ ही दर्शनों के लिए मंदिर लोगो के लिए खुल जाएगा। इस अवसर पर मनाली स्वीट्स के ओनर सुरेंद्र सेन, हनुमान जी के मूर्तिकार राम सेवक गुप्ता, आचार्य देवीचंद, आचार्य सुनील शर्मा ,पंडित पंकज शर्मा, मंदिर निर्माण के प्रमुख नामोल निवासी ठेकेदार सोहन लाल विशेष रूप से उपस्थित रहे।
देशभर के सैलानियों का इंतजार खत्म हो गया है। हिमाचल पथ परिवहन निगम की बहुचर्चित बस सेवा का आगाज हो गया है। 1,026 किलोमीटर लंबे लेह-दिल्ली रूट पर एचआरटीसी की बस आज सुबह लेह के लिए रवाना हुई। एसडीएम केलांग रजनीश शर्मा ने केलांग बस अड्डा से बस को लेह के लिए रवाना किया। उन्होंने बस में सफर करने वाले 23 यात्रियों को हरी झंडी दिखाकर लेह की ओर रवाना करते हुए शुभकामनाएं दीं। इस बस से यात्री बर्फ से ढके चार दर्रों को पार कर अपने सफर को यादगार बना सकेंगे। लेह-दिल्ली बस का सफर यात्री 1,740 रुपये में पूरा होगा। 30 घंटे के रूट में यात्री दिल्ली, हरियाणा, पंजाब से होते हुए हिमाचल और लेह-लद्दाख की वादियों का आनंद उठा सकेंगे। पहाड़ी और बर्फीली वादियों से होकर गुजरने वाली सड़क पर सैलानी और आम लोग खूब लुत्फ उठा सकेंगे। हिमाचल पथ परिवहन निगम के केलांग डिपो की बस करीब 9 महीने बाद शुरू हुई है। इस साल से रूट में बदलाव किया है। अब दिल्ली से आने वाली यह बस रात में जिला मुख्यालय केलांग में नहीं रुकेगी। मात्र सुबह के समय 30 मिनट के लिए बस अड्डा में खड़ी होगी। एचआरटीसी केलांग डिपो का अतिरिक्त कार्यभार देख रहे उमेश शर्मा ने कहा कि बस सुबह 5:00 बजे केलांग से सरचू होते हुए लेह रवाना होगी। यात्री 16,500 फीट ऊंचे बारालाचा, 15,547 फीट नकिल्ला, 17,480 फीट तंगलांगला और 16,616 फीट ऊंचे लाचुंग दर्रे के नजारों से भी रुबरू होंगे। नई समयसारिणी के अनुसार बस दिल्ली से दोपहर 12:15 बजे चलेगी। चंडीगढ़ से शाम को 6:10 बजे रवाना होगी और सुबह 5:00 बजे तक केलांग बस अड्डा पहुंचेगी और 5:30 पर लेह के लिए चलेगी।
हिमाचल प्रदेश के डॉ. राजेंद्र प्रसाद राजकीय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल टांडा में एमबीबीएस के चार सीनियर प्रशिक्षुओं पर रैगिंग के आरोप लगे हैं। कालेज प्रशासन ने शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच कमेटी के माध्यम से करवाई। जांच कमेटी ने जूनियर छात्रों के साथ रैगिंग होने की पुष्टि की है। जांच कमेटी की सिफारिश पर कॉलेज प्रशासन ने आरोपी चारों सीनियर छात्रों को नियमानुसार एक साल और छह माह के लिए कॉलेज से निष्कासित दिया है। साथ ही एक लाख व 50 हजार रुपये जुर्माना लगाया है। कालेज प्रिंसिपल डॉ. मिलाप शर्मा ने चारों छात्रों पर कार्रवाई रिपोर्ट पर मुहर लगा दी है। उन्होंने कहा कि रैगिंग किसी भी सूरत में बर्दास्त नहीं होगी।
सुनील कुमार को हमीरपुर ब्लाक कांग्रेस का नया अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। सुनील कुमार इससे पहले भी ब्लाक कांग्रेस अध्यक्ष रह चुके हैं तथा युवा चेहरा होने के साथ संगठन में उनकी मजबूत पकड़ है। सुनील कुमार ने अपनी नियुक्ति के लिए मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू , प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह, मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार सुनील शर्मा बिट्टू, के.सी.सी. बैंक के चेयरमैन कुलदीप सिंह पठानिया और जिला के सभी वरिष्ठ नेताओं का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि जो जिम्मेवारी उन्हें सौंपी गई है, उसे वह पूरी ईमानदारी के साथ बखूबी निभाने का प्रयास करेंगे तथा सभी को साथ लेकर हमीरपुर के संगठन को और सुदृढ़ किया जाएगा। उन्होंने कहा कि हमीरपुर विधानसभा क्षेत्र के उपचुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी की जीत सुनिश्चित करने के लिए पार्टी संगठन एकजुट होकर कार्य करेगा।
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला स्थित प्रारंभिक उप शिक्षा निदेशक कार्यालय पर केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्लयूडी) ने ताला जड़ दिया है। पुलिस की मौजूदगी में सीपीडब्लयूडी कार्यालय में ताला जड़ा गया। जिला अदालत में शिक्षा विभाग की याचिका खारिज होने के बाद यह कार्रवाई अमल में लाई गई। इसको लेकर कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। कर्मचारी कार्यालय के बाहर दिनभर बैठे रहे। लोकसभा चुनावों को लेकर लगी आचार संहिता हटने के बाद कार्यालय में काम का बोझ काफी ज्यादा है। शिक्षक व गैर शिक्षकों के नियमितिकरण, पद्दोन्नति से लेकर जेबीटी की बैच वाइज नियुक्तियों की प्रक्रिया उप निदेशक कार्यालय से की जानी है और कार्यालय को सील करने के चलते यह सारे काम ठप पड़ गए। कार्यालय सील होने के बाद इसके भीतर कर्मचारियों से जुड़ा सारा रिकार्ड, कंप्यूटर, व विभाग का अन्य सामान मौजूद है। यह भवन केंद्रीय लोक निर्माण विभाग का है और इसमें ऊपरी मंजिल पर केंद्रिय श्रम एवं रोजगार विभाग का कार्यालय है, जबकि एक फ्लोर में प्रारंभिक शिक्षा विभाग के उप निदेशक कार्यालय है। वर्ष 1970 से पहले से यह ऑफिस यहां चल रहा है।
नीट 2024 के रिजल्ट में धांधली को लेकर छात्र काफी नाराज चल रहे हैं। अब नीट के प्रवेश परीक्षा में गड़बड़ी का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है, जिस पर आज सुनवाई हो रही है। नीट यूजी प्रश्नपत्र लीक होने की खबरों के बीच अभ्यर्थियों के एक समूह ने नए सिरे से एनईईटी-यूजी 2024 परीक्षा कराने की मांग करते हुए उच्चतम न्यायालय का रुख किया है। गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए कोर्ट में याचिका दाखिल की है कि नीट यूजी 2024 रिजल्ट को वापस लिया जाए और फिर से परीक्षा कराई जाए। सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट से छात्रों को झटका लगा है। अदालत ने परीक्षा रद्द करने और काउंसलिंग प्रक्रिया पर रोक लगाने से इनकार कर दिया है। वहीं, परीक्षा की मांग करने वाली याचिकाओं पर राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (एनटीए) को नोटिस जारी किया। अदालत ने कहा कि परीक्षा की शुचिता प्रभावित हुई है, इसलिए एनटीए को जवाब देने की जरूरत है। रिजल्ट आने के बाद से ही कई दिनों से छात्र देश के कोनों-कोनों में प्रदर्शन हो रहे हैं। इस याचिका में रिजल्ट वापस लेने और दोबारा परीक्षा की मांग की गई है। वहीं, परीक्षा के रिजल्ट में धांधली की जांच की मांग की गई है। आगे कहा गया कि एनटीए ने मनमानी ग्रेस मार्क दिया है। याचिकाकर्ता ने आशंका जताते हुए कहा कि यह तथ्य सामने आया है कि एक सेंटर विशेष पर एग्जाम दे रहे 67 स्टूडेंट्स को फुल मार्क्स 720 तक दिए गए हैं। याचिका में आगे कहा गया कि नीट परीक्षा 5 मई को हुई और तभी से कई शिकायतें सामने आई जिसमें पेपर लीक की बातें कही गईं। ये याचिका सुप्रीम कोर्ट में तेलंगाना व आंध्र प्रदेश के रहने वाले अब्दुल्लाह मोहम्मद फैज और शैंक रोशन मोहिद्दीन ने दायर की है। याचिका में कहा गया है कि छात्रों के हितों की खातिर यह याचिका दायर की गई है और सुप्रीम कोर्ट से गुहार लगाई गई है कि इस मामले में जब तक जांच होती है तब तक नीट यूजी 2024 की काउंसलिंग पर रोक लगाई जाए। जानकारी दे दें कि इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में पहले से ही दो याचिका पेंडिंग है और पेपर लीक के ग्राउंड पर एग्जाम रद्द कराने की गुहार लगाई जा चुकी है। गौरतलब है कि कोर्ट ने पहली याचिका पर सुनवाई करते हुए एनटीए को नोटिस भी जारी किया था, हालांकि रिजल्ट पर रोक लगाने से साफ इनकार कर दिया था।
हिमाचल प्रदेश में अनुबंध अवधि के कारण जिन कर्मचारियों की दस साल की नियमित सेवा पूरी न हुई हो, उन्हें अब ओपीएस का लाभ मिलेगा। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अब राज्य सरकार के वित्त विभाग के प्रधान सचिव देवेश कुमार ने इस पर एक कार्यालय आदेश जारी किया है। इस आदेश के अनुसार हालांकि केवल उन्हीं अनुबंध कर्मचारियों को पेंशन का लाभ मिलेगा जिनका चयन हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग या कर्मचारी चयन आयोग हमीरपुर के माध्यम से अनुबंध नीति में हुआ हो। जिन कर्मचारियों ने ओपीएस के बजाय एनपीएस का विकल्प लिया है, वे अनुबंध सेवा की पेंशन गणना करने के पात्र नहीं होंगे। अनुबंध और नियमित सेवा के बीच कोई ब्रेक न हो। ऐसे सभी कर्मचारियों को अपने विभागाध्यक्ष के माध्यम से 30 दिन में विकल्प देना होगा। नियमित हुए बगैर अनुबंध अवधि में ही मृत्यु हो गई है, तो पेंशन का लाभ नहीं मिलेगा। राज्य सरकार ने मई 2003 से हिमाचल में एनपीएस को लागू किया था। 31 मार्च 2023 को फिर से ओल्ड पेंशन शुरू की गई। सुप्रीम कोर्ट से आयुर्वेद विभाग की शीला देवी केस में एक फैसले के बाद 10 जून को वित्त विभाग ने कार्यालय आदेश जारी किए हैं। इससे अनुबंध अवधि पेंशन देने के लिए कंसीडर होगी। जिन्हें अब ऐसे कर्मचारियों या पेंशनरों की 10 साल की नियमित सेवा अनुबंध अवधि के कारण पूरी नहीं हुई, यह लाभ उन्हें मिलेगा। आयुर्वेद विभाग से शीला देवी केस में 7 अगस्त 2023 को आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले के अनुसार राज्य सरकार को ऐसे कर्मचारियों की अनुबंध अवधि पेंशन के लिए गिनना होगी, जो अनुबंध से सीधे नियमित हुए। इस फैसले को कुछ शर्तों के साथ लागू करने का निर्णय लिया है। हिमाचल प्रदेश बिजली बोर्ड के कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए महंगाई भत्ते की 4 फीसदी महंगाई भत्ते की किस्त जारी की गई है। बिजली बोर्ड के कार्यकारी निदेशक मनोज कुमार ने इस संबंध में कार्यालय आदेश जारी कर दिए हैं। राज्य सरकार के कर्मचारियों और पेंशनरों को 4 फीसदी महंगाई भत्ता पहले ही दिया जा चुका है। यानी इसे अब बिजली बोर्ड के कर्मचारियों और पेंशनरों को भी 34 से बढ़ाकर 38 प्रतिशत किया गया है। इसे बिजली बोर्ड के कर्मचारियों और पेंशनरों को एक अप्रैल से दिया जाएगा। अप्रैल 2024 से लेकर जून 2024 के बीच अतिरिक्त महंगाई भत्ता दिया जाएगा। कर्मचारियों को इसे जून महीने के वेतन और पेंशनरों को पेंशन में दिया जाएगा। जबकि एक जुलाई 2022 से लेकर 31 मार्च 2024 के बीच का एरियर देने के लिए अलग से आदेश निकाले जाएंगे। प्रदेश सरकार ने जनजातीय क्षेत्रों के लोगों को नौतोड़ भूमि उपलब्ध करवाने के लिए एक बार फिर राज्यपाल से हिमाचल में लागू वन संरक्षण अधिनियम (एफसीए) से छूट देने का आग्रह किया है। जनजातीय विकास मंत्री जगत सिंह नेगी ने बताया कि पूर्व कांग्रेस सरकार ने अपने कार्यकाल में नौतोड़ अधिनियम को लागू करने का फैसला किया था जो कि 2018 तक लागू रहा। साल 2017 में जब भाजपा सरकार सत्ता में आई उस समय 2018 में मात्र एक ही केस नौतोड़ का मंजूर किया गया। हिमाचल प्रदेश नौतोड़ भूमि नियम 1968 में 20 बीघा से कम भूमि वाले पात्र लाभार्थियों को 20 बीघा सरकारी भूमि प्रदान करने का प्रावधान किया गया है। इसके तहत जनजातीय लोगोें को लाभान्वित किया गया है। जगत सिंह नेगी ने बताया कि गत शुक्रवार को पुनः राज्यपाल से निवेदन कर जनजातीय लोगों की इस मांग को प्रस्तुत किया गया ताकि पात्र लाभार्थियों को नौतोड़ भूमि प्रदान की जा सके।
देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा में अनियमितता के आरोपों को लेकर शुरू हुआ विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। नीट परीक्षा आयोजित होने के समय से ही विवादों के घेरे में आ गई थी। मामले ने तूल तब पकड़ा जब रिजल्ट जारी हुआ। देशभर से छात्रों, राजनेताओं द्वारा रिजल्ट में अनियमितता के आरोप लगाए जा रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट में नीट यूजी को रद्द करने और फिर से आयोजित कराने की गुहार के साथ एक याचिका दायर की गई थी। यह याचिका डॉ. विवेक पाण्डेय के साथ-साथ शिवांगी मिश्रा और अन्य छात्रों द्वारा दायर की गई है। इसमें कहा गया है कि बिहार पुलिस द्वारा नीट परीक्षा के पेपर लीक के आरोपों की जांच पहले से ही की जा रही है। नीट परीक्षा के खिलाफ दाखिल इस याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में आज सुनवाई की जाएगी। सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीशों न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति एहसानुद्दीन अमानुल्लाह की वेकेशन बेंच द्वारा इस याचिका पर सुनवाई की जानी है। वहीं, दूसरी और अभ्यर्थियों को ग्रेस मार्क्स देने के एनटीए के फैसले को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट में एक रिट याचिका भी दायर की गई थी। इसमें आरोप लगाया गया है कि रिजल्ट में ग्रेस मार्क्स देना एनटीए का मनमाना फैसला है। संविधान के अनुच्छेद 32 के तहत सुप्रीम कोर्ट में यह याचिका आंध्र प्रदेश के NEET UG आवेदक जरीपते कार्तिक द्वारा दायर की गई है। नीट यूजी परीक्षा का आयोजन 5 मई को देशभर के 571 और विदेश के 14 शहरों में किया गया था। वहीं, इस परीक्षा का रिजल्ट निर्धारित समय से 10 दिन पहले यानी 14 जून की जगह 4 जून को जारी किया गया। इस वर्ष नीट यूजी में रिकॉर्ड 67 उम्मीदवारों ने AIR-1 हासिल की है, जिसमें से 6 उम्मीदवार हरियाणा के एक ही केंद्र से हैं। वहीं, कुछ छात्रों ने 720 में से 718 और 719 अंक हासिल किए है, जिसे परीक्षा की प्रकृति को देखते हुए असंभव बताया जा रहा है। ऐसे में नीट यूजी को लेकर तरह तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं। नीट यूजी के खिलाफ दर्ज याचिका पर आज सुनवाई होनी है, ऐसे में आज सबकी नजरें सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई पर होंगी।
दिनांक 10जून, 2024 को दयानंद आदर्श विद्यालय के प्रांगण में कक्षा बारहवीं द्वारा कक्षा ग्यारहवीं के छात्रों का अभिनंदन किया गया। सर्वप्रथम 12वीं कक्षा के छात्रों ने तिलक लगाकर और टोकन ऑफ लव देकर उनका स्वागत किया। तत्पश्चात प्रिंसिपल उषा मित्तल ने बच्चों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि जीवन में हमेशा सकारात्मक सोच रखें और उन्नति की राह पर चलकर सफलता की ऊंचाइयों को छुए,उन्होंने सभी छात्रों से प्रण लिया कि जीवन में नशे व बुरी संगत से दूर रहें और अपने परिवार, समाज व देश का नाम रोशन करें। 11वीं के छात्र-छात्राओं साक्षी, रक्षित ने इस विद्यालय में अपने अनुभव को कक्षा 12वीं के छात्र-छात्राओं के साथ साझा किया l हेडब्वॉय-अनमोल हेड गर्ल काव्य उज्जवल, तनीषा, अन्तर्ज्ञा, देवांशी द्वारा कक्षा 11वीं के विद्यार्थियों का वेलकम किया गया l इस उपलक्ष पर प्रिंसिपल उषा मित्तल ने छात्रों को प्रोत्साहित किया कि अपने लक्ष्य पर केंद्रित रहे तभी सफलता प्राप्त होगी। अपने आप पर भरोसा रखें और कभी हार ना माने क्योंकि ईश्वर भी उन्हीं का साथ देते हैं जो मेहनत करते हैं। अंत में उन्होंने सभी विद्यार्थियों को आशीर्वाद दिया और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।
बागवानी मंत्री जगत सिंह नेगी ने हिमाचल प्रदेश बागवानी उपज विपणन एवं विधायन निगम (एच.पी.एम.सी.) की स्वर्ण जयंती के अवसर पर सेब बागवानी में एच.पी.एम.सी. के महत्वपूर्ण योगदान की सराहना की। जगत सिंह नेगी ने कहा कि एच.पी.एम.सी. की स्थापना 10 जून, 1974 को शिमला में की गई थी, जिसका उद्देश्य सेब एवं अन्य फल बागवानों के हितों की रक्षा, विपणन सुविधाएं, फल प्रसंस्करण एवं पोस्ट हार्वेस्ट सुविधाएं प्रदान करना था। गत 50 वर्षों में एच.पी.एम.सी. ने सेब बागवानी की उन्नति में उत्प्रेरक का काम किया है। उन्होने कहा कि एच.पी.एम.सी. फल प्रसंस्करण एवं पोस्ट हार्वेस्ट तकनीक के क्षेत्र में देश भर में पिछले 5 दशक से अग्रणी संस्थान है। बागवानी मंत्री ने कहा कि निगम ने वर्ष 1980 में परवाणू में देश का पहला एप्पल जूस कंसंट्रेट संयंत्र स्थापित किया था। एच.पी.एम.सी. ने 1970 एवं 1980 के दशक में दिल्ली, मुंबई एवं चेन्नई में शीत गृहों तथा प्रदेश में 4 शीत गृहों का निर्माण किया। इसके अतिरिक्त एच.पी.एम.सी. ने देश में पहली बार बोतलबंद जूस का उत्पादन एवं विपणन प्रारंभ किया। जगत सिंह नेगी ने कहा कि एच.पी.एम.सी. प्रतिवर्ष प्रदेश के लगभग 30,000 सेब बागवानों से मंडी मध्यस्थता योजना के अंतर्गत सी ग्रेड सेब की सरकार द्वारा निर्धारित मूल्य पर खरीद कर परवाणू, पराला एवं जड़ोल (सुंदरनगर) स्थित अपने फल प्रसंस्करण संयंत्रों में एप्पल जूस कंसंट्रेट का उत्पादन करता है। इसके अतिरिक्त एच.पी.एम.सी. टेट्रा पैक जूस, जैम, स्क्वैश, एप्पल साइडर विनेगर एवं अचार आदि का उत्पादन भी करता है। बागवानी मंत्री ने कहा कि एच.पी.एम.सी. सेब बागवानों को विश्वस्तरीय पोस्ट हार्वेस्ट तकनीक से लैस 10 ग्रेडिंग पैकिंग हाउस एवं 5 सी.ए. स्टोर की सुविधा उचित दरों पर उपलब्ध करवा रहा है। बागवानी मंत्री ने एच.पी.एम.सी. के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर एच.पी.एम.सी. के प्रबन्ध निदेशक सुदेश मोखटा तथा अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज यहां हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि निगम राज्य के लोगों को परिवहन सुविधाएं प्रदान करने में सबसे महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने निगम के संचालन के लिए प्रदेश सरकार द्वारा हर संभव सहयोग प्रदान करने का आश्वासन दिया। ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि यात्रियों की सुविधा के लिए निगम द्वारा 25 नई वॉल्वों बसें तथा 50 टैम्पों ट्रैवलर खरीदे जाएंगे। इसके अतिरिक्त निगम के बेडे़ में इलैक्ट्रिक बसें शामिल की जाएंगी, जिनके प्रापण के लिए प्रक्रिया जारी है। वर्तमान वित्त वर्ष में इलैक्ट्रिक बसों की खरीद के लिए 327 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है। प्रदेश में सीमित हवाई तथा रेल नेटवर्क के दृष्टिगत निगम की महत्वपूर्ण भूमिका पर बल देते हुए मुख्यमंत्री ने लोगों को श्रेष्ठ सुविधाएं प्रदान करने के लिए निगम के संचालन को सुदृढ़ करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार निगम को 63 प्रतिमाह करोड़ रुपये प्रदान करेगी। उप-मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने बैठक के दौरान कहा कि प्रदेश में परिवहन सुविधा को सुदृढ़ करने के साथ ही पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में इलैक्ट्रिक बसों की विशेष भूमिका रहेगी।बैठक में प्रधान सचिव परिवहन आर.डी. नज़ीम, मुख्यमंत्री के सचिव राकेश कंवर, एचआरटीसी के प्रबंध निदेशक रोहन चंद ठाकुर तथा मुख्यमंत्री के ओएसडी गोपाल शर्मा भी उपस्थित थे।
जनजातीय विकास मंत्री जगत सिंह नेगी ने आज यहां शिमला से जारी प्रेस वक्तव्य के दौरान कहा कि प्रदेश सरकार जनजातीय क्षेत्रों में पात्र लोगों को नौतोड़ भूमि प्रदान करने के लिए प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य में हिमाचल प्रदेश नौतोड़ भूमि नियम 1968 के तहत 20 बीघा से कम भूमि वाले पात्र लाभार्थियों को 20 बीघा सरकारी भूमि प्रदान करने का प्रावधान किया गया था। इसके तहत जनजातीय लोगोें को लाभान्वित किया गया है। जगत सिंह नेगी ने कहा कि वन संरक्षण अधिनियम-1980 के फलस्वरूप प्रदेश में प्रार्थियों को नौतोड़ भूमि आबंटित नहीं की जा सकी। लोगों की मांग को देखते हुए वर्ष 2014 में कांग्रेस सरकार ने भारतीय संविधान के अनुच्छेद-5 के तहत वन संरक्षण अधिनियम 1980 को निलंबित किया जो वर्ष 2016 तक तथा उसके पश्चात वर्ष 2016 से 2018 तक जारी रहा। इस दौरान पात्र लाभार्थियों को नौतोड़ भूमि प्रदान की गई। दिसम्बर, 2017 में सरकार बदलने पर इस प्रावधान के तहत केवल एक लाभार्थी को नौतोड़ भूमि आबंटित की गई जबकि वर्ष 2018 तक नौतोड़ भूमि प्रदान की जा सकती थी। नौतोड़ के कई मामले अभी भी लम्बित पड़े हैं। जनजातीय विकास मंत्री ने बताया कि वर्ष 2020 में जन आंदोलन के कारण भाजपा सरकार को प्रदेश में एक साल के लिए नौतोड़ का प्रावधान लागू करना पड़ा लेकिन इस दौरान किसी भी व्यक्ति को लाभ प्रदान नहीं किया गया। वर्ष 2023 में कांग्रेस सरकार ने नौतोड़ भूमि प्रदान करने के लिए राज्यपाल से वन संरक्षण अधिनियम 1980 को जनजातीय क्षेत्रों से हटाने का आग्रह किया। गत शुक्रवार को पुनः राज्यपाल से निवेदन कर जनजातीय लोगों की इस मांग को पुनः प्रस्तुत किया गया ताकि पात्र लाभार्थियों को नौतोड़ भूमि प्रदान की जा सके।
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज यहां पत्रकारों से अनौपचारिक वार्ता के दौरान कहा कि प्रदेश सरकार दिल्ली सरकार के साथ किए गए समझौते के अनुसार दिल्ली को पानी देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने तीन विधानसभा क्षेत्रों में होने वाले उपचुनावों के बारे में कहा कि इन क्षेत्रों में मतदाओं द्वारा निर्दलीय विधायक चुने गए थे जो विधानसभा में विभिन्न मुद्दों पर प्रदेश सरकार या विपक्ष का साथ दे सकते थे। इसके बावजूद उन्होंने अपनी सदस्यता को त्यागने का निर्णय किस आधार पर लिया है, यह बात उन्हें जनता के सामने रखनी चाहिए। यह बात स्पष्ट है कि उन्होंने अपनी सदस्यता को निजी लाभों के लिए दांव पर लगाया है। यह भी देखना होगा कि क्या भाजपा इन पूर्व तीन निर्दलीय विधायकों को अपना उम्मीदवार घोषित करती है या नहीं। उन्होंने कहा कि इन तीन विधानसभा क्षेत्रों के मतदाता इन पूर्व विधायकों से यह प्रश्न करेंगे कि जब उन्हें पांच वर्षों के लिए अपने क्षेत्र का नेतृत्व करने के लिए चुना गया था तो फिर उन्होंने किन कारणों के चलते राज्य पर उपचुनाव का बोझ डाला गया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में तीर्थ यात्रियों से भरी बस पर हुए आतंकवादी हमले की कड़ी निंदा की। इस हमले में अब तक 9 लोगों की मृत्यु हुई है।
**एडीसी बोले, बेहतर आपसी समन्वय से हो टीकाकरण, नहीं छूटे एक भी बच्चा धर्मशाला: अतिरिक्त उपायुक्त सौरभ जस्सल की अध्यक्षता में आज सोमवार को डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा और बच्चों के टीकाकरण को लेकर जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक का आयोजन किया गया। डीसी ऑफिस में आयोजित इस बैठक में 15 से 30 जून, 2024 तक होने वाले डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा और जिले में बच्चों के टीकाकरण अभियान के सफल क्रियान्वयन को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। अतिरिक्त उपायुक्त ने इन अभियानों के बेहतर परिणाम के लिए विभिन्न विभागों को तालमेल बनाकर काम करने के निर्देश दिए। बैठक में रूटीन इम्यूनाइजेशन, मीजल्स रूबेला उन्मूलन और एनीमिया मुक्त हिमाचल अभियान को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। अतिरिक्त उपायुक्त ने सही समय पर बच्चों के टीकाकरण को लेकर सभी विभागों को बेहतर आपसी समन्वय से कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बच्चों के अच्छे स्वास्थ्य और समग्र विकास के लिए सही समय पर टीकाकरण बहुत जरूरी है, इसलिए टीकाकरण अभियान सबकी सामूहिक जिम्मेवारी है। एडीसी ने बताया कि स्वास्थ्य मंत्रालय भारत सरकार द्वारा यूएनडीपी के माध्यम से यू-विन पोर्टल का निर्माण किया गया है। उन्होंने बताया कि यू-विन पोर्टल के माध्यम से बच्चों को होने वाले टीकाकरण का सारा रिकॉर्ड डिजिटाइज किया जा रहा है। जिससे भविष्य में किसी भी स्थान पर यदि वे जाते हैं तो उनके टीकाकरण का पूरा रिकॉर्ड ऑनलाइन उपलब्ध होगा। अतिरिक्त उपायुक्त ने बताया कि बरसात के मौसम में डायरिया संबंधित रोगों की चपेट में आने की अधिक संभावना रहती है। उन्होंने कहा कि इसकी जांच और समय से उपचार को लेकर 15 से 30 जून तक स्वास्थ्य विभाग द्वारा डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा मनाया जाएगा। जिसके तहत आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर बच्चों की डायरिया संबंधित जांच करेंगी और दवाईयां उपलब्ध करवाएंगी। उन्होंने बताया कि इसके अंतर्गत 5 साल तक की आयु के बच्चों को घर-घर जाकर आशा वर्कर ओआरएस का पैकेट देगी तथा दस्त रोग के बारे में लोगों को जागरूक करेगी। लोगों को स्वच्छता और हाथ धोने के सही तरीके के बारे में भी जागरूक किया जाएगा। बैठक में जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ वंदना ने रूटीन इम्यूनाइजेशन और मीजल्स रूबेला उन्मूलन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। बैठक में जिला चिकित्सा अधिकारी डॉ. आर.के सूद, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ वंदना, महिला एवं बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग, स्वयंसेवी संगठन तथा स्वास्थ्य विभाग के सभी जिला कार्यक्रम अधिकारी तथा चिकित्सा अधिकारी उपस्थित रहे।
धर्मशाला: विद्युत उपमंडल-2 धर्मशाला के सहायक अभियंता रमेश धीमान ने जानकारी देते हुए बताया कि 12 जून, 2024 (बुधवार) को विद्युत लाइनों की सामान्य रख-रखाव के चलते 11 केवी मंदल फीडर के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों मंदल, मसरेड़, भड़वाल, त्रैंबलू, हरनेड़, घियाना खुर्द, ढगवार, खटेहड़, मनेड़, अप्पर बगली, कोहाला, मटौर, तथा साथ लगते क्षेत्रों में प्रातः 9 बजे से सायं 5 बजे अथवा कार्य समाप्ति तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। वहीं 14 जून, 2024 (शुक्रवार) को 11 केवी बगली फीडर के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों नन्देहड़, पुराना मटौर, घुंडी, बगली, अनसोली, पटोला, घना, गंग भैरों, गगली, चैतड़ू, बनवाला, मनेड़, मस्तपुर, कंदरेहड़, चकवां ढगवार, सराह, लोअर सकोह, पुलिस लाइन सकोह तथा साथ लगते क्षेत्रों में प्रातः 9 बजे से सायं 6 बजे अथवा कार्य समाप्ति तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने बताया कि मौसम खराब होने की स्थिति में यह कार्य अगले दिन किया जाएगा। उन्होंने लोगों से सहयोग की अपील की है।
**प्रदेश में क़ानून व्यवस्था गर्त में, सरकार ने लोगों का जीवन भगवान भरोसे छोड़ा शिमला : नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने शिमला से जारी प्रेस वक्तव्य में कहा कि नरेन्द्र मोदी की सरकार देश के किसानों, युवाओं, ग़रीबों और महिलाओं के कल्याण के लिए समर्पित है। प्रधानमंत्री ने अपने तीसरे कार्यकाल के पहले फ़ैसले में किसानों को सम्मान निधि की 17वीं किश्त जारी की। यह हमारी सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने "पीएम किसान सम्मान निधि" की 17वीं किस्त के रूप में लगभग रुपये 20 हजार करोड़ से अधिक की राशि से 9 करोड़ से अधिक किसानों के देने के निर्णय की सराहना करते हुए प्रधानमंत्री का आभार जताया। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि मोदी 3.0 की सरकार इसी तरह से देश के लोगों के विकास के काम करती रहेगी। आने वाले समय में और बड़े फ़ैसले तथा जनहितकारी योजनाएं ज़मीन पर उतरती दिखाई देंगी। जयराम ठाकुर ने राज्य सरकार पर हमला करते हुए कहा कि प्रदेश में क़ानून-व्यवस्था पूरी तरह से बर्बाद हो गई है। ऐसी-ऐसी घटनाएं देखने को मिल रही है जिसकी हम कल्पना भी नहीं कर सकते हैं। एक दिन में तीन -तीन लोगों की बेरहमी से हत्या हो रही है। सरकार, पुलिस और प्रशासन हाथ पर हाथ धरे बैठा है। सुक्खू सरकार ने हिमाचल के लोगों कि जीवन को भगवान के भरोसे छोड़ दिया है। जब से कांग्रेस सत्ता में आई है तभी से अपराधियों के हौसलें बुलंद हैं। एक अपराध पर कार्रवाई न करने से ही अपराधियों के हौंसले बुलंद हो रहे हैं। कहा कि सरकार जिस तरह से आँख मूँदकर बैठी है, ऐसे काम नहीं चलेगा। सरकार को सरकार की तरह काम करना होगा। आम आदमी की ज़िंदगी के साथ खिलवाड़ हो यह भारतीय जनता पार्टी सहन नहीं करेगी। उन्होंने से मुख्यमंत्री से हाल में हुई आपराधिक घटनाओं पर सख़्त से सख़्त कदम उठाने की माँग की। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि चुनाव ख़त्म हो गए, आचार संहिता हट गई लेकिन सरकार अभी अपने नींद से नहीं जागी। विकास के काम जस के तस पड़े हैं। बस अख़बारों के माध्यम से सरकार के क़र्ज़ पर क़र्ज़ लेने का पता चलता है। इस महीनें फिर से सरकार ने 1200 करोड़ का क़र्ज़ लिया है। इसी वित्तीय वर्ष में सरकार 2900 करोड़ का क़र्ज़ लें चुकी है। जबकि दिसंबर तक क़र्ज़ की लिमिट 6200 करोड़ रुपए हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या क़र्ज़ लेकर ही सरकार चलेगी। कहा कि सत्ता में आने के पहले कांग्रेस के नेताओं द्वारा कहा जाता था कि हम आय नए साधन बनायेंगे। लेकिन सत्ता में आने के बाद से रिकॉर्ड स्तर पर क़र्ज़ ले रहे हैं। जबकि न तो सरकार ने अपने चुनावी वादे पूरे किए हैं और न ही विकास के कार्य कर रही है। ऐसे में यह क़र्ज़ किस काम के लिए लिया जा रहा है सरकार को इसका जवाब देना चाहिए।
ज़िला राजस्व अधिकारी नीरजा शर्मा ने बताया कि ग्रीष्म ऋतु 2024 के दौरान सोलन जिला के जल अभाव वाले क्षेत्रों में विभिन्न स्वीकृत स्रोतों से टैंकर, मिनी ट्रकों के माध्यम से पेयजल के परिवहन एवं वितरण के लिए निविदाएं जमा करवाने की तिथि बढा दी गई है। उन्होंने बताया कि निविदाएं जमा करने की तिथि 11 जून से बढ़ाकर 13 जून, 2024 की गई है। अन्य शर्तें पूर्ववत ही रहेंगी।
भारत निर्वाचन आयोग द्वारा आज विधानसभा क्षेत्र नालागढ़ के उप-चुनाव की घोषणा के साथ ही पूरे सोलन ज़िला में आदर्श आचार संहिता तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है। इसके दृष्टिगत ज़िला दण्डाधिकारी सोलन मनमोहन शर्मा द्वारा सीआरपीसी की धारा 144 के तहत आदेश जारी किए गए हैं। आदेशों के अनुसार उप-चुनाव की प्रक्रिया स्वतंत्र, निष्पक्ष, सुचारू एवं शांतिपूर्ण ढंग से पूर्ण करवाने के दृष्टिगत भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशानुसार चुनावों की घोषणा से लेकर परिणाम घोषित होने तक किसी भी प्रकार के शस्त्र/गोला-बारूद इत्यादि को लेकर चलने पर तत्काल रूप से पाबंदी रहेगी। ज़िला सोलन के साथ लगती हरियाणा एवं पंजाब की सीमा पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दृष्टिगत सभी आवश्यक उपाय सुनिश्चित करने के भी आदेश जारी किए गए हैं ताकि उप-चुनाव की प्रक्रिया शांतिपूर्ण ढंग एवं सुचारू रूप से सम्पन्न की जा सके। आदेशों के तहत सभी लोगों, नागरिकों, संगठनों, गैर सरकारी संगठनों को ज़िला सोलन की सीमा के भीतर आर्म्ज एक्ट, 1959 के तहत परिभाषित किसी भी प्रकार के हथियार और गोला-बारूद इत्यादि लेकर चलने पर पाबंदी रहेगी। यह आदेश पुलिस, अर्द्धसैनिक बलों, सुरक्षा बलों, ड्यूटी पर तैनात सरकारी एवं अर्द्ध-सरकारी अथवा बैकों के तथा अन्य अधिकृत सुरक्षा कर्मियों पर लागू नहीं होंगे। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू माने जाएंगे तथा निर्वाचन प्रक्रिया पूर्ण होने तक मान्य रहेंगे। इन आदेशों की अवहेलना करने वालों के विरुद्ध कानून सम्मत कार्रवाई की जाएगी।
**गुरु अर्जुन देव जी की शिक्षाओं को अपनाने का किया आह्वान मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज सिक्ख धर्म के पांचवें गुरु अर्जुन देव जी के शहीदी दिवस पर शिमला के कॉर्ट रोड स्थित गुरुद्वारा साहिब, गुरु सिंह सभा में माथा टेका। इस मौके पर उन्होंने गुरूद्वारा साहिब में शब्द कीर्तन श्रवण किया और समाज से गुरु अर्जुन देव की शिक्षाओं से प्रेरणा लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि गुरु अर्जन देव ने सच्चाई, अहिंसा और करूणा से समाज को सशक्त बनाने का प्रयास किया। इस अवसर पर गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने मुख्यमंत्री को सिरोपा और तलवार भेंट कर सम्मानित किया। शिमला शहरी के विधायक हरीश जनारथा, भोरंज के विधायक सुरेश कुमार, उपायुक्त अनुपम कश्यप और अन्य अधिकारी भी इस मौके पर उपस्थित थे।
उत्तरी भारत में एक बार फिर से गर्मी बढ़ने लगी है। ऐसे में हिमाचल प्रदेश में सैलानियों का तांता लगा हुआ है। गर्मी से राहत पाने के लिए सैलानी लगातार हिमाचल का रुख कर रहे हैं। शिमला, मनाली, मंडी, कुल्लू और धर्मशाला सहित अन्य इलाकों में सैलानियों की आवाजाही बढ़ी है। हालांकि, ये सभी इलाके जाम से भी बेहाल हैं। कालका-शिमला नेशनल हाईवे पर वीकएंड और रविवार शाम को भी जाम लगा। वहीं, कुल्लू के बंजार और जीभी में वाहन चालक जाम से बेहाल रहे। वहीं, मंडी से सुंदरनगर तक भी जाम से काफी परेशानी हुई और यहां पर चार किमी के लिए चार घंटे तक का वक्त लग रहा है। प्रदेश में बीते एक सप्ताह में रुक रुक कर बारिश होती रही। ऐसे में टूरिस्ट भी राहत पाने के लिए हिमाचल पहुंच रहे हैं। मनाली में करीब 90 फीसदी होटल बुक हुए हैं। शिमला में भी 70-80 फीसदी होटलों में ऑक्युपेंसी रही है। रोहतांग पास भी गाड़ियों का जमावड़ा देखने को मिला है। यहां परमिट पर रोजाना 1200 गाड़ियां जा रही हैं। शिमला में वन मिनट ट्रैफिक प्लान फिलहाल बंद किया गया और ऐसे में शोघी से शिमला तक जाम का सामना करना पड़ रहा है। मनाली शहर से अटल-टनल तक 30 किमी के सफर के लिए रविवार को छह घंटे लगे हैं। सोशल मीडिया पर यजूर्स नें अपनी परेशानी जाहिर की। सुबह चार बजे ही टूरिस्ट की गाड़ियां रोहतांग पास के लिए निकल रही हैं। हिमाचल प्रदेश में मॉनसून से पहले कमोबेश ऐसा ही हाल रहने वाला है। प्रदेश में 20 जून के बाद मॉनसून की एंंट्री होगी।
हिमाचल की राजधानी शिमला स्थिति डिप्टी डायरेक्टर एलिमेंटरी एजुकेशन दफ्तर को सील कर दिया गया है। रेलवे बोर्ड ने आज सुबह यह कार्रवाई की है। शिमला के चक्कर स्थित सीबीआई कोर्ट के फैसले के बाद रेलवे प्रबंधन ने यह कार्रवाई की है। इससे शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया है। दरअसल, शिमला के चौड़ा मैदान में रेलवे बोर्ड की बिल्डिंग में पांच दशक से भी ज्यादा समय से डिप्टी डायरेक्टर एलिमेंटरी एजुकेशन दफ्तर चल रहा था। साल 2014 से इस पर रेलवे बोर्ड और शिक्षा विभाग के बीच कब्जे को लेकर कोर्ट में लड़ाई चल रही थी। बताया जा रहा है कि शिक्षा विभाग कब्जे को लेकर कोर्ट में दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर पाया। इस वजह से कोर्ट ने रेलवे बोर्ड के पक्ष में फैसला सुनाया। कोर्ट की जजमेंट के बाद रेलवे प्रबंधन ने डिप्टी डायेरक्टर दफ्तर पर कब्जा कर लिया है। इसके बाद शिक्षा विभाग के कर्मचारी सड़कों पर आ गए है।अब शिक्षा महकमा इस मामले में कोर्ट के आदेशों को अपेक्स कोर्ट में चुनौती देने पर विचार कर रहा है और लीगल ऑपिनियन ली जा रही है।
जून की तपिश से बचने के लिए मैदानी इलाकों से पर्यटक हिल स्टेशनों का रुख कर रहे हैं। मनाली का पर्यटक सीजन खूब चमक रहा है। बड़े होटलों में सौ फीसदी तक कमरे बुक हैं। छोटे होटलों में 70 से 90 प्रतिशत तक कमरे पैक चल रहे हैं। इन दिनों रोजाना मनाली में तीन हजार से अधिक पर्यटक वाहन पहुंच रहे हैं। अप्रैल और मई में पर्यटकों की संख्या अपेक्षा के अनुरूप नहीं रही थी। अब चुनाव संपन्न होने के बाद पर्यटकों की संख्या बढ़ गई है। इस साल पर्यटन सीजन लंबा चलने की संभावना जताई जा रही है। 20 जून तक मनाली में अच्छी बुकिंग बताई जा रही है। कई होटल एडवांस में बुक हो गए हैं। होटलियर एसोसिएशन मनाली के उपाध्यक्ष रोशन ठाकुर ने बताया कि पर्यटकों की अच्छी भीड़ जुट रही है। अधिकतर बड़े होटल पैक चल रहे हैं। हिमाचल पर्यटन विकास निगम के उप महाप्रबंधक बीएस ओक्टा ने बताया कि निगम के होटल लगभग पैक चल रहे हैं। वीकेंड में पर्यटकों की संख्या अन्य दिनों की अपेक्षा अधिक जुट रही है। उन्होंने कहा कि 20 जून तक एडवांस बुकिंग है। मनाली में हर रोज 3,000 से अधिक पर्यटक वाहन पहुंच रहे हैं। ग्रीन टैक्स बैरियर से जुटाए आंकड़ों के अनुसार हर रोज 3,000 से अधिक पर्यटक वाहन मनाली में दाखिल हो रहे हैं। इसके अलावा 100 से अधिक वोल्वो बसों में भी पर्यटक मनाली का रुख कर रहे हैं।
** देहरा, हमीरपुर और नालागढ़ में उपचुनाव **आज से तीन जिलों में आदर्श आचार संहिता लागू **13 जुलाई को होगी मतगणना... लोकसभा चुनाव व विधानसभा की छह सीटों के उपचुनाव के नतीजे घोषित होते ही अब हिमाचल में तीन विधानसभा सीटों के लिए उपचुनाव होंगे। निर्वाचन आयोग ने इसका शेड्यूल जारी कर दिया है। प्रदेश में निर्दलीय विधायकों के इस्तीफे से खाली हुई देहरा, नालागढ़ और हमीरपुर विधानसभा सीट के लिए उपचुनाव होने हैं। चुनाव आयोग के शेड्यूल के अनुसार 10 जुलाई को इन सीटों के लिए मतदान होगा। 13 जुलाई को मतगणना व नतीजे घोषित होंगे। 15 जुलाई से पहले चुनाव की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। उपचुनाव के लिए 14 जून को राजपत्र में अधिसूचना जारी होगी। 21 जून नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथ तय की गई है।
हिमाचल प्रदेश में एक सप्ताह तक मौसम साफ रहने के आसार हैं। ऐसे में धूप खिलने से मैदानी व कम ऊंचाई वाले क्षेत्रों में गर्मी का प्रकोप जारी रहने की संभावना है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार राज्य में 16 जून तक मौसम साफ रहने का पूर्वानुमान है। 12 से 14 जून तक मैदानी व कम ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हीटवेव चलने का येलो अलर्ट जारी हुआ है। वहीं आज राजधानी शिमला व आसपास भागों में हल्के बादलों के साथ धूप खिली हुई है।
कांगड़ा जिला के उपमंडल इंदौरा के पुलिस थाना डमटाल के अंतर्गत भदरोया में एक 16 वर्षीय नाबालिग लड़की की तेजदार हथियार से बेरहमी से हत्या करने का मामला पेश आया है। इस घटना से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। इस संबंध में एएसपी धर्मचंद वर्मा ने बताया के थाना डमटाल में सुबह करीब 9 बजे ग्राम पंचायत भदरोया के प्रधान ने फोन पर सूचना दी कि भदरोया में एक प्रवासी परिवार की नाबालिग लड़की का बेरहमी से कत्ल कर दिया गया है। सूचना मिलते ही एडिशनल एसएचओ डमटाल देवराज टीम सहित घटना स्थल पर पहुंचे ओर शव को कब्जे में लेकर साक्ष्य जुटाए। उन्होंने बताया कि नाबालिग लड़की झुग्गी में रहती थी तथा रानी के घर में सफाई का काम करती थी। उसके माता-पिता राजस्थान गए हुए थे। लड़की अपनी मामा महेंद्र के साथ रहती थी। रविवार को उसका मामा नहाने के लिए गया तो उसने देखा कि उनकी भांजी का किसी ने कत्ल कर दिया है तथा मौके पर मोहन (40) पुत्र रामदास जो बिहार का रहने वाला है, हाथ में तेजधार दराट लेकर बाहर जा रहा है। जब उन्होंने कमरे के अंदर देखा तो उसकी भांजी खून से लथपथ बैड पर पर पड़ी थी। गांव वाले इकट्ठे होकर लड़की को अस्पताल ले जाने लगे परंतु तब तक वह दम तोड़ चुकी थी। आरोपी भागने की फिराक में था तथा पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद आरोपी को धर दबोचा। अभी यह जांच का विषय है कि आरोपी ने कत्ल क्यों किया। मौके पर एएसपी धर्मचंद वर्मा, डीएसपी विशाल वर्मा तथा फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची तथा तथ्यों को जुटा कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है। पकड़े गए आरोपी पर आईपीसी की धारा 302 के तहत मामला दर्ज करके पुलिस आगामी कार्रवाई कर रही है।
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिला की सराज घाटी के बगस्याड के समीप आहुण नाला में एक दर्दनाक सड़क हादसा पेश आया है। हादसे में मामले में पति और पत्नी की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि अन्य 5 अन्य सवार गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। ये सभी गाड़ी सवार मंडी के प्रसिद्ध शिकारी मंदिर माथा टेकने जा रहे थे। फिलहाल, जंजैहली पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।जानकारी के अनुसार, रविवार की यह घटना है। हादसे में मारे गए लोगों की पहचान संदीप कुमार (30) गांव राजपुरा, तहसील सदर, जिला बिलासपुर और नीलम (24) के तौर पर हुई है। संदीप और नीलम पति-पत्नी थे। संदीप का बेटा हर्ष (4) और एक साल की बेटी पूर्वी घायल हैं। इसके अलावा, घायलों में धर्मपाल पुत्र जगत राम, गांव खुजाण लुणारू, रामशहर, सोलन, धर्मपाल की पत्नी राजू देवी, बलदेव राज (20) पुत्र बबलू राम गांव कलर, आनंदपुर, रूपनगर (पंजाब) के तौर पर हुई है। घटना के समय सभी लोग कार में सवार होकर क्षेत्र के शक्तिपीठ माता शिकारी देवी के दर्शनों के लिए जा रहे थे, लेकिन मौके पर दूसरे वाहन को पास देते समय अचानक से 150 मीटर गहरी खाई में कार लुढ़क गई। घायलों को स्थानीय लोगों द्वारा इलाज के लिए नागरिक अस्पताल बगस्याड ले जाया गया है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस थाना जंजैहली की टीम ने मौके पर पहुंच कर जांच शुरू कर दी है। हादसे में घायल लोगों को इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज नेरचौक ले जाया गया। जहां इलाज के दौरान दो लोगों की मौत हो गई है। एएसपी मंडी सागर चंद्र ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि मामले में पुलिस थाना जंजैहली ने जांच शुरू कर दी है। उन्होंने बताया कि दो लोगों की हादसे में मौत हो गई है।
तीन दिवसीय चायल मेले के दौरान जाइका वानिकी परियोजना से जुड़े स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की खुशबू महक उठी। रविवार यानी 9 जून से 11 जून तक चलने वाले इस मेले में कोटी रेंज के तहत जाइका के कई स्वयं सहायता समूहों ने स्टॉल लगाए। आचार, जूस, चटनी, जैम, शहद और बैग समेत अन्य उत्पाद खरीदने के लिए लोगों की लंबी लाइन लगी रही। सशक्त महिला स्वयं सहायता समूह कोट और दुर्गा स्वयं सहायता समूह डवारों द्वारा निर्मित उत्पादों के दाम बाजार से कम और पूरी तरह से ऑग्रेनिक हैं। इसे देखते हुए मेले का लुत्फ उठाने पहुंचे लोगों की निगाहें जाइका वानिकी परियोजना के अंतर्गत स्वयं सहायता समूहों के स्टॉल पर पड़ रही हैं और अच्छी-खासी बिक्री भी होने लगी है। जाइका के मुख्य परियोजना निदेशक समीर रस्तोगी ने मेहनकश स्वयं सहायता समूहों के सभी सदस्यों की सराहना की। मेले के अवसर पर एसएमएस योशा सोलंकी, मशोबरा फोरेस्ट रेंज की एफटीयू कॉ-ऑर्डिनेटर पूजा और तारादेवी फोरेस्ट रेंज की कॉ-ऑर्डिनेटर प्रतिभा शर्मा मौजूद रहीं।
** कांगड़ा में कहाँ चुक गई कांग्रेस ** चेहरा गलत या कारण कुछ और .... ? अपनी गलती माने कौन? दर्द पराया जाने कौन? इक दूजे को गुनहगार बताए सब, खुद को कसूरवार माने कौन? 11 विधायकों में से एक विधानसभा अध्यक्ष, दो कैबिनेट मंत्री, दो कैबिनेट रैंक, दो सीपीएस और एक मुख्य उप सचेतक, यानी कांगड़ा के लगभग आठ विधायक सरकार में एडजस्ट हैं बावजूद इसके कांग्रेस प्रत्याशी आनंद शर्मा को चारों लोकसभा सीटों में से सबसे बड़ी हार का मुंह देखना पड़ा। कांगड़ा संसदीय क्षेत्र की एक भी विधानसभा सीट से कांग्रेस को लीड नहीं मिली है। अब हार का ठीकरा किसके सर फूटेगा ? गलती किसकी मानी जाएगी, अब सवाल तो उठेंगे ही कि आखिरकार कांग्रेस की हार के क्या कारण रहे होंगे ? 15 महीने पहले 2022 में हुए विधानसभा चुनाव में कांगड़ा-चंबा संसदीय सीट से ही कांग्रेस ने सत्ता का रास्ता प्रशस्त किया था। बेहतरीन प्रदर्शन के दम पर पार्टी ने यहां से 12 सीटों में जीत हासिल की थी। फिर राज्यसभा चुनाव में सियासी उठापटक के बाद धर्मशाला विधानसभा सीट कांग्रेस से छिटक गई और अब कांगड़ा संसदीय क्षेत्र में कांग्रेस विधायकों का संख्यां बल 11 हो गया। यहां भाजपा के सिर्फ 5 ही विधायक है और इस बार ये 5 विधायक 11 पर भारी पड़े है। यहां कांग्रेस ने पूरा दारोमदार ही अपने विधायकों पर छोड़ा हुआ था। कांग्रेस के विधायक फील्ड पर बेहद मेहनत करते भी नज़र आ रहे थे, लेकिन परिणाम शून्य रहे। नतीजे दर्शा रहे है कि कांग्रेस के सभी के सभी विधायक आनंद को लीड दिलाने में फेल साबित हुए है। 30 मार्च को ही भाजपा ने डॉ. राजीव भारद्वाज को अपना प्रत्याशी घोषित कर दिया था, जबकि कांग्रेस ने गहन चिंतन मंथन के बाद हुए आनंद शर्मा को 30 अप्रैल को टिकट देकर अपना प्रत्याशी घोषित किया था। पहले चर्चा कई नामों की थी मगर कांग्रेस ने चौंकाते हुए आनंद शर्मा को मैदान में उतारा। 71 वर्ष की आयु में पहला लोकसभा का चुनाव लड़ने वाले आनंद शर्मा ने देरी से टिकट मिलने के बावजूद महज़ 25 दिनों में 76 चुनावी बैठकें कर कांग्रेस की जीत को लेकर कदमताल तो किया, लेकिन उनकी इस मेहनत पर मोदी फैक्टर ज़्यादा असरदार दिखा। शुरुआत से ही आनंद शर्मा पर बाहरी होने का टैग लगा रहा। दूसरा फैक्टर...आनंद शर्मा उस संसदीय सीट से चुनाव लड़ रहे थे जहाँ उनका खुद का वोट भी नहीं था हालाँकि आनंद ने बाहरी टैगलाइन की काट के लिए मोदी की वाराणसी सीट का उदहारण ज़रूर दिया मगर इसका कोई लाभ आनंद को नहीं मिला। काँगड़ा संसदीय सीट के सियासी समीकरणों को देखा जाए तो यहाँ क्षेत्रवाद और जातिवाद का असर किसी भी चुनाव में निर्णायक साबित होते हुए आए है। अब भाजपा ने यूँ ही तो नहीं ब्राह्मण फेस पर दांव खेला होगा। पिछले चुनावी नतीजे बताते है कि काँगड़ा संसदीय सीट पर अधिकाँश बार ब्राह्मण चेहरा ही जीत कर संसद भवन पहुंचा है। तीसरा बड़ा फैक्टर .. कांग्रेस अगर किसी स्थानीय नेता को टिकट देकर मैदान में उतारती तो शायद परिणाम कुछ बेहतर होते। जीत मिलती न मिलती मगर ऐसी करारी हार का मुँह तो न देखना पड़ता। कई नेता थे जो चुनाव लड़ने के इच्छुक थे और कई नेता ऐसे भी थे जिनकी चुनाव लड़ने में कोई दिलचस्पी नहीं थी, मगर फैसला तो आलाकमान को लेना था और आलाकमान ने ऐसे चेहरे पर दांव खेला जो जी -23 में शामिल हुआ करते थे। अब परिणाम सबके सामने है। काँगड़ा में भाजपा के प्रत्याशी डॉ राजीव भारद्वाज ने 2,51,895 वोटो से जीत हासिल की है। आनद शर्मा की ये हार आनंद से ज़्यादा कांग्रेस के 11 विधायकों की हार है। अब रिपोर्ट कार्ड दिल्ली भी जाएगा और प्रदेश में भी इस पर सवालिया निशान उठेंगे।
**फिलफॉट फोरम की 36वीं प्रतियोगिता अभिनय-2024 सम्पन्न स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सैनिक कल्याण मंत्री डॉ. कर्नल धनीराम शांडिल ने कहा कि अपनी संस्कृति की रक्षा करने वाला समाज हमेशा आगे बढ़ता है। डॉ. शांडिल गत देर सांय सोलन के कोठों में फिलफॉट फोरम द्वारा आयोजित 36वीं अखिल भारतीय नृत्य, नाटक और संगीत प्रतियोगिता ‘अभिनय 2024’ के समापन समारोह को सम्बोधित कर रहे थे। डॉ. शांडिल ने कहा कि फिलफॉट फोरम द्वारा संगीत, नृत्य व अभिनय के माध्यम से पूरे भारत को जोड़ने का एक बेहतरीन कार्य किया जा रहा है। ऐसी प्रतियोगिताएं जहां उभरते हुए कलाकारों को मंच प्रदान करती है वहीं हमारी समृद्धि संस्कृति को संजोए रखने में भी सहायक सिद्ध होती है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि ऐसी सांस्कृतिक प्रतियोगिताएं हमारी संस्कृति के सवंर्द्धन एवं संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश की समृद्धि संस्कृति को संजोए रखने के लिए वचनबद्ध है और यह प्रयास किया जा रहा है कि संस्कृति और पर्यटन के माध्यम से प्रदेश की आर्थिकी को मज़बूत किया जा सके। डॉ. शांडिल ने आयोजकों को शुभकामनाएं दी और फिलफॉट फोरम के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि फिलफॉट फोरम वर्ष 1986 से कलाकारों को अपनी प्रतिभा व कौशल का प्रदर्शन करने के लिए सशक्त मंच प्रदान कर रही है। उन्होंने आशा जताई कि यह प्रतियोगिता देश के साथ-साथ हिमाचल के उभरते हुए कलाकारों को भविष्य का बेहतर कलाकार बनने की दिशा में उचित मंच प्रदान करेगी। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम हमारी युवा पीढ़ी को अपने देश की रंग-बिरंगी संस्कृति से रू-ब-रू करवाने में अहम भूमिका निभाते हैं। उन्होंने अपनी ऐच्छिक निधि से फिलफॉट फोरम को 31 हजार रुपये देने की घोषणा की। डॉ. शांडिल ने प्रतियोगिता के विभिन्न आयामों के विजेताओं को सम्मानित भी किया। इस अवसर पर जोगिन्द्रा केंद्रीय सहकारी बैंक के अध्यक्ष मुकेश शर्मा, ब्लॉक कांग्रेस सोलन के अध्यक्ष संजीव ठाकुर, नगर निगम सोलन के मनोनीत पार्षद रजत थापा, उपमण्डलाधिकारी सोलन डॉ. पूनम बंसल, ज़िला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अमित रंजन, फिलफॉट फोरम के अध्यक्ष विपुल गोयल, प्रधान विजय पुरी, वरिष्ठ उप प्रधान सुनीता शर्मा, निदेशक मनोज गुप्ता तथा मोहिनी सूद, महासचिव राजीव उप्पल सहित संस्था के अन्य पदाधिकारी, विभिन्न विभागों के अधिकारी, विभिन्न राज्यों से आए कलाकार सहित अन्य व्यक्ति उपस्थित थे।
हिमाचल पुलिस ने मनाली में उत्तर प्रदेश के एक युवक को चिट्टे के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी के खिलाफ पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। मिली जानकारी के अनुसार, गुप्त सूचना के आधार पर मोहम्मद जावेद 19 निवासी गांव धनीरामपुर, डाकघर सराय, तहसील अकवरपुर, जिला कानपुर, देहात उत्तर प्रदेश के कमरे की तलाशी ली गई तो कमरे के अंदर एक पैकेट मिला। पैकेट के अंदर 8.4 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। इस संबंध में डीएसपी केडी शर्मा ने कहा कि पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। उन्होंने कहा कि आरोपी के तार किससे जुड़े हैं पुलिस इसका भी पता लगाने में जुटी हुई है।
माँ शूलिनी मेला-2024 की सांस्कृतिक संध्याओं के लिए लोक कलाकारों के ऑडिशन की तिथियां निर्धारित कर दी गई है। यह जानकारी आज यहां मेला अधिकारी एवं अतिरिक्त उपायुक्त अजय यादव ने दी। अजय यादव ने कहा कि हिमाचल के लोक कलाकारों के ऑडिशन की तिथि 12 जून से 14 जून, 2024 तक निर्धारित की गई है। ऑडिशन नगर निगम सोलन के हॉल में आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि ऑडिशन के लिए कलाकारों को 11 जून, 2024 तक आवेदन करना होगा। आवेदन अतिरिक्त उपायुक्त सोलन एवं ज़िला भाषा अधिकारी सोलन के कार्यालय में किया जा सकता है। आवेदन ई-मेल के माध्यम से भी किया जा सकेगा। स्थानीय एवं विभिन्न ज़िलों के लोक कलाकार अथवा सांस्कृतिक दल अपनी प्रस्तुति के लिए आवेदन ई-मेल adm-sol-hp@nic-in तथा dlosolan39@gmail.com पर कर सकते हैं।
ऑल इंडिया गर्ल्स ट्रैकिंग एक्सपीडिशन के तीसरे दिन कैडेट्स को इंद्रू नाग ले जाया गया। कर्नल संजय शांडिल ने कैडेट्स को ट्रेकिंग के लिए रवाना होने से पूर्व ट्रैकिंग की बुनियादी जानकारी दी। कैडेट को ट्रेकिंग की व्यवस्थित योजना, तैयारियां तथा अतिरिक्त आवश्यकता के बारे में जानकारी प्रदान की। स्वास्थ्य बनाए रखने के लिए ट्रेक से पहले और उसके दौरान संतुलित आहार का ध्यान रखने का निर्देश दिया। कैडेट्स ने इंद्रुनग मंदिर में पहुंच कर इंद्रुनाग का इतिहास जाना तथा प्राग्लाइडिंग साइट से पैराग्लाइडिंग होती हुई भी देखी। कर्नल संजय शांडिल भी ट्रैक पर मौजूद रहे। इसी दौरान बैच 2 का ओपनिंग एड्रेस हुआ, इसके साथ ही सभी कैडेट्स, एनो तथा जीसीआई को ट्रेकिंग कैप्स दी गई। तत्पश्चात उन्हें शहीद स्मारक और एचपीसीए ले जाया गया। ट्रैकिंग से आने के बाद कर्नल संजय शांडिल ने कैडेट्स का हाल-चाल जाना इसी के साथ उनका हौसला बुलंद किया। इसी दौरान संध्या में कैंप में हेल्थ और हाइजीन के विषय में सीनियर रिसोर्स पर्सन, डॉ. अनुराधा द्वारा कैडेट्स को एडोलिसेंट, हेल्थ व हाइजीन का महत्व, एवं लाभ बताए गए। इस सेशन के दौरान कैडेट्स ने अपने प्रश्नों के उत्तर लिए और अपनी सारी शंकाएं दूर करी। इसी कार्यक्रम के साथ ही आपदा प्रबंधन विभाग के डॉक्टर भुल्लर ( ट्रेनर डीडीएम ) ने कैडेट्स को सीपीआर का डेमो दिया। कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन (सीपीआर) एक आपातकालीन प्रक्रिया है जो किसी व्यक्ति की सांस या दिल के रुकने पर उसकी जान बचाने में मदद कर सकती है। जब किसी व्यक्ति का दिल धड़कना बंद कर देता है, तो उसे कार्डियक अरेस्ट कहते हैं। कार्डिएक अरेस्ट के दौरान, हृदय मस्तिष्क और फेफड़ों सहित शरीर के बाकी हिस्सों में रक्त पंप नहीं कर सकता है। डॉक्टर भुल्लर ने बताया कि इस प्रक्रिया के ज्ञान से हम किसी व्यक्ति के बचने की संभावना को दोगुना या तिगुना कर सकते है।
शिमला : नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर नरेन्द्र मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने के लिए दिल्ली पहुंचे। दिल्ली से जारी वक्तव्य में उन्होंने कहा कि वह दिन आ गया है जिसका हर भारतवासी इंतज़ार कर रहा था। भारतीय के प्रधानमंत्री के रूप में नरेन्द्र मोदी तीसरी बार प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ले रहे हैं। आधिकारिक रूप में मोदी 3.0 की शुरुआत हो रही है। देशवासियों द्वारा राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन और भाजपा को दिया गया स्नेह और समर्थन अद्वितीय है। इसके लिए सभी का मैं के प्रति आभार प्रकट करता हूँ। उन्होंने समस्त देशवासियों को इस अवसर की बधाई देते हुए कहा कि यह समय बहुत महत्वपूर्ण है। बड़े-बड़े लक्ष्यों के हासिल करने के लिए जीतोड़ मेहनत करनी है। सरकार के गठन के साथ ही देश के विकास के लक्ष्यों में जुट जाना है। हर भारतीय नरेन्द्र मोदी के राष्ट्र निर्माण के मिशन में जी जान से जुटने को तत्पर है। पूरा देश चाहता था कि नरेन्द्र मोदी फिर से केंद्रीय सरकार का नेतृत्व करें। उनके तीसरे कार्यकाल के शुभारंभ का साक्षी होना सौभाग्य की बात है। जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पहले कार्यकाल से ही देश के विकास के लक्ष्य निर्धारित किए और निर्धारित समय में योजनाएं पूरा करके देशवासियों की सेवा में समर्पित की। एक से बढ़ाकर एक देश हितैषी योजनाएं देश के लोगों के विकास के लिए चलाई। सबका साथ-सबके विकास के लक्ष्य के साथ काम करते हुए देश के आख़िरी आदमी तक सरकार पहुंचाई। सरकार लोगों के जीवन में बदलाव ला सके ऐसे-ऐसे काम किए, दूसरे कार्यकाल में सरकार की योजनाओं को और व्यापक बनाया, कोविड महामारी जैसी चुनौतियों के बाद भी देश के विकास की गति को रुकने नहीं दिया। देश की विकास यात्रा को नया आयाम देने के साथ-साथ दुनिया में भारत के क़द को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। अब तीसरे कार्यकाल में देश के लोगों और सरकार के सहयोगी नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व को लेकर पूरी तरह से आश्वस्त हैं। प्रधानमंत्री ने पहले ही कह दिया है कि यह कार्यकाल बड़े फ़ैसलों के लिए जाना जाएगा तो देश को यक़ीन हैं कि मोदी 3.0 का कार्यकाल विकास की दृष्टि से ऐतिहासिक होने वाला है।
शिमला में पर्यटकों की आवाजाही में बढ़ोतरी हुई है। मैदानी भागों में बढ़ती गर्मी से राहत पाने के लिए पर्यटक शिमला का रुख कर रहे हैं। ट्रैफिक पुलिस के मुताबिक शिमला में बाहरी राज्यों से रोज आठ से 10 हजार गाड़ियां पहुंच रही हैं। शिमला में वीकेंड के अलावा सप्ताह के अन्य दिनों में भी पर्यटकों की आवाजाही में बढ़ोतरी हुई है। होटल एसोसिएशन के अनुसार शहर में 70 फीसदी से अधिक ऑक्यूपेंसी चल रही है। शिमला के अतिरिक्त मनाली, कुल्लू, डलहौजी और मैक्लोडगंज का भी सैलानी रुख कर रहे हैं। शिमला में दिल्ली, पंजाब और हरियाणा, उत्तर प्रदेश से सबसे ज्यादा पर्यटक पहुंच रहे हैं। इन क्षेत्रों से शिमला की दूरी दूसरे हिल स्टेशनों से कम होना और बेहतर कनेक्टिविटी की वजह से पर्यटकों के लिए शिमला एक बेहतर विकल्प है। आज एचपीटीडीसी लिफ्ट में 3:00 बजे के बाद पर्यटकों की लाइनें लगनी शुरू हो गई थीं। इस दौरान सैकड़ों लोगों ने लिफ्ट का इस्तेमाल किया। शाम के समय लिफ्ट में सबसे ज्यादा भीड़ रही। पार्किंग प्रबंधक सतीश के मुताबिक वीकेंड पर बढ़ी संख्या में पर्यटक पहुंचे हैं। चुनाव के बाद शिमला में पर्यटकों की आवाजाही में बढ़ोतरी पर्यटन कारोबार बेहतरीन स्थिति में है। इस समय शिमला के होटलों की बुकिंग 70 प्रतिशत से अधिक है। वीकेंड पर सबसे अधिक पर्यटक शिमला का रुख करते हैं। शहर में पार्किंग की बेहतर सुविधा नहीं होने से पर्यटकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
एसएएस माध्यमिक पब्लिक स्कूल देवामानल में वार्षिक पारितोषिक वितरण समारोह का आयोजन किया गया। पारितोषिक वितरण समारोह में रोहित शर्मा, विशेष अतिथि देव शर्मा व जोगेंद्र चौहान ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की,जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रिंसिपल अशोक शर्मा ने की। कार्यक्रम की शुरूआत मुख्यतिथि द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर एवं मेजवान स्कूल की छात्राओं द्वारा स्वागत गीत गाकर की गई। इससे पूर्व मुख्यातिथि को प्रिंसिपल व स्कूल प्रशासन द्वारा शॉल, टोपी एवं स्मृति चिन्ह से सम्मानित किया गया। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश किए गए। कार्यक्रम में पहाड़ी, हिमाचली पंजाबी छात्राओं के गिद्दे से सबका मन मोह लिया। प्रिंसिपल अशोक शर्मा ने स्कूल गतिविधिओं की वार्षिक रिपोर्ट भी प्रस्तुत की तथा मुख्यातिथि व अविभावकों का कार्यक्रम में पहुंचने के लिए आभार प्रकट किया। इस मौके पर सभी अविभावकों ने भाग लिया।
सिरमाैर जिला के औद्योगिक क्षेत्र कालाअम्ब में 2 उद्योगों के 2 गोदामों में भीषण आग लग गई, जिसके चलते करोड़ों रुपए का नुक्सान हो गया। जानकारी के अनुसार आग कालाअम्ब स्थित इंडकूस बायोटैक इंडिया कंपनी और श्री आदिनाथ इंटरप्राइजेज कंपनी के गोदाम में लगी। फिलहाल आग लगने का कारण अभी तक पता नहीं चल पाया है। आग लगने से गोदामों में रखा सामान जलकर राख हो गया है, जबकि कुछेक सामान को बचा लिया गया है। बताया जा रहा है कि इस घटना में कुछ लोग घायल भी हुए हैं, जिन्हें ईएसआई अस्पताल कालाअम्ब में उपचार दिया जा रहा है। बताया गया है कि गोदाम में जैसे ही आग ने विकराल रूप धारण किया तो धुएं का गुबार आसमान में छागया। फिलहाल मौके पर दमकल विभाग की टीम के साथ-साथ पुलिस भी पहुंच गई है, जबकि दोनों उद्योगों के कर्मी भी उद्योग में लगे हाईड्रैन्ट से आग बुझाने की कोशिश कर रहे हैं। खबर लिखे जाने तक गोदामों को आग ने पूरी तरह से अपनी चपेट में ले लिया था। उद्योग कर्मियों ने बताया कि गोदामों में करोड़ों रुपए का तैयार माल रखा हुआ था जो पूरी तरह से जल गया है। कालाअम्ब के लीडिंग फायरमैन ने कहा कि आग पर काबू पाने की भरपूर कोशिश की जा रही है। वहीं इन गोदामों के साथ लगा कोल्ड ड्रिंक का गोदाम आग की चपेट में आने से बच गया है।
धर्मशाला: शाहपुर उपमंडल के विभिन्न विभागों की समीक्षा बैठक स्थानीय विधायक एवं प्रदेश सरकार में उपमुख्य सचेतक केवल पठानिया की अध्यक्षता में एटीसी सभागार शाहपुर में आयोजित की गई। केवल पठानिया ने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि वह खुद फील्ड में जाकर विभिन्न विकास कार्यों का निरीक्षण सुनिश्चित करें ताकि किसी भी तरह की कोई कमी न रहे। उन्होंने एनएचएआई के अधिकारियों को आदेश दिए कि घटनालू से लेकर रजोल तक फोरलेन के कार्य को और अधिक तीव्रता प्रदान करें ताकि बरसात से पहले कम से कम एक लेन पर यातायात सुचारू रूप से चल सके। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की अप्रिय घटना न हो इसलिए एनएचएआई के अधिकारी यह भी सुनिश्चित करें कि बरसात के समय निर्माणाधीन सड़क या किनारों पर जलभराव न हो और पानी की निकासी की समुचित व्यवस्था हो । उन्होंने बताया कि पिछले दिनों हल्की बारिश के बाबजूद कुछ स्थानों पर पानी इकठ्ठा हो गया था और निकासी की व्यवस्था न के बराबर थी। एनएचएआई के अधिकारी यह भी सुनिश्चित करें कि फोरलेन के काम के चलते धूल-मिट्टी से बचाव के लिए सड़क पर पानी का समुचित छिड़काव भी प्राथमिकता के आधार पर हो ताकि वाहन चालकों, राहगीरों के साथ-साथ आसपास के घरों को किसी तरह की परेशानी न हो। उन्होंने उपमण्डल के सभी अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर अपने-अपने विभाग के पिछले 18 महीने के विभिन्न विकास कार्यों का लेखा-जोखा अगले 15 दिन में बनाने के निर्देश दिए । उन्होंने कहा कि पर्यावरण सरंक्षण हम सब की जिम्मेदारी है प्रत्येक विभाग अपने स्तर पर बरसात के मौसम में उचित भूमि चिन्हित कर पौधरोपण करेगा । उन्होंने कहा कि लोक निर्माण विभाग कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के मद्देनजर धारकंडी क्षेत्र में बरसात के मौसम में उचित मशीनरी की व्यवस्था सुनिश्चित करे ताकि आमजनमानस को किसी तरह की परेशानी न हो । उन्होंने कहा कि लोक निर्माण के साथ साथ ग्रामीण विकास विभाग भी विधानसभा के प्रत्येक गाँव में पानी की निकासी हेतु नालियों की साफ-सफाई बरसात से पहले पुख्ता कर ले। बैठक में आने पर एसडीएम शाहपुर करतार चंद ने उपमुख्य सचेतक का स्वागत किया और उन्हें आश्वस्त किया कि उनके द्वारा दिये गए विभिन्न सुझावों एवं निर्देशों का पालन उपमण्डल के सभी विभाग सुनिश्चित करेंगें । इस अवसर पर एसडीएम शाहपुर करतार चंद, बीएमओ डॉ विक्रम कटोच, वैज्ञानिक अधिकारी एटीसी शाहपुर सुनन्दा पठानिया, डीएफओ दिनेश शर्मा, अधिशासी अभियंता विद्युत अमित शर्मा, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण अंकज सूद, गज प्रोजेक्ट के अधिशासी अभियंता सुभाष शर्मा, बीडीओ रैत महेश ठाकुर, प्रधानाचार्य आईटीआई शाहपुर चैन सिंह ,वैटनरी सर्जिकल विशेषज्ञ डॉ अरविंद शर्मा ,सहायक अभियंता विद्युत विक्रम शर्मा,जल शक्ति मोहम्मद रज्जाक ,लोक निर्माण बलवीत,रेंज ऑफिसर सुमित शर्मा , एनएचएआई के अधिकारी तथा सोशल मीडिया प्रभारी विनय के अतिरिक्त विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे ।
प्रदेश के सभी जिलों में 14 जून को होने जा रही आठवीं मॉकड्रिल को लेकर शिमला में आज राज्य आपदा प्रबंधन के निदेशक व विशेष सचिव डी.सी. राणा की अध्यक्षता में वर्चुअल माध्यम से बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि व सभी जिलों के उपायुक्त शामिल हुए। प्रदेश भर के सभी जिलों में 12 जून को राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा टेबल टॉप अभ्यास किया जाएगा। टेबल टॉप अभ्यास का मुख्य उद्देश्य आपदा की स्थिति में जमीनी स्तर पर की गई तैयारियों का मूल्याकंन करना है। 14 जून को बाढ़, भू-स्खलन, हिम-स्खलन और औद्योगिक आपदा से निपटने के लिए सभी जिलों में मॉकड्रिल की जाएगी, जिसमें विशेषकर स्कूलों, महाविद्यालयों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों में आपदा में फंसे छात्रों को सुरक्षित बाहर निकालने को लेकर अभ्यास किया जाएगा। डी.सी. राणा ने कहा कि मॉकड्रिल का मुख्य उद्देश्य जीवन और संपत्ति के नुकसान को कम करना और आपदा से निपटने के लिए सभी विभागों के प्रतिनिधियों, राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, केन्द्रीय सशस्त्र बलों, पुलिस, होमगार्ड आदि में समन्वय स्थापित करना है। उन्होंने कहा कि मॉकड्रिल के दौरान शैक्षणिक संस्थानों में राहत कैंप न बनाए जाए जिससे कि शैक्षणिक गतिविधियां प्रभावित न हो। उन्होंने कहा कि नदियों, झीलों और ग्लेशियर के क्षेत्र में रहने वाले लोगों को समय से पहले ही मॉकड्रिल को लेकर की जा रही तैयारी की जानकारी दी जाए ताकि मौके पर अभ्यास के दौरान लोगों में भय का माहौल न उत्पन्न हो। उन्होंने कहा कि मॉकड्रिल के लिए गैर सरकारी संगठनों के साथ भी समन्वय स्थापित कर कार्य योजना बनाई जाए। उन्होंने औद्योगिक क्षेत्रों में भी बेहद संवेदनशील स्थानों को चिन्हित करने के निर्देश दिए। ऐसे स्थानों में त्रासदी से पूर्व घटना के संबंध में जानकारी मिले इसके लिए पूर्व चेतावनी प्रणाली की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। खतरनाक झीलों के किनारे रह रही आबादी के लिए विशेष कार्य योजना तैयार करने पर भी बल दिया जाए। आपात स्थिति में किसी भी त्रासदी की जानकारी मिलने पर मौके पर जमीनी स्तर पर अपनी कार्य योजना को भी लागू करने के लिए विकल्प रखें। उन्होंने कहा कि इस मॉकड्रिल में केंद्र सरकार, राज्य सरकार और जिला प्रशासन का त्रिस्तरीय समन्वय होगा। डी.सी. राणा ने बताया कि इस बार मॉकड्रिल में संचार सुविधा बाधित हो जाने की स्थिति में लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने का अभ्यास भी किया जाएगा। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण का विशेष तौर पर नेतृत्व कर रहे सेवानिवृत्त मेजर जनरल सुधीर बहल ने आपदा से निपटने के लिए विशेष योजना के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सैनिक कल्याण मंत्री डॉ. कर्नल धनीराम शांडिल 08 तथा 09 जून, 2024 को सोलन के प्रवास पर आ रहे हैं। डॉ. शांडिल 08 जून, 2024 को 11.00 बजे परवाणु तक फोरलेन कार्य का दौरा करेंगे।स्वास्थ्य मंत्री तदोपरांत सायं 05.00 बजे कोठों स्थित ऑडिटोरियम में आयोजित फिलफॉट फोरम सोलन के समापन समारोह में बतौर मुख्यातिथि शिरकत करेंगे। स्वास्थ्य मंत्री 09 जून, 2024 को शाम 04.30 बजे ठोडो मैदान में आयोजित खाटू श्याम के कार्यक्रम में भाग लेंगे।
भारी बारिश, बाढ़ और भूस्खलन जैसी आपदा से बचाव के अभ्यास के लिए सोलन ज़िला के पाँचों उपमण्डलों में 14 जून को मैगा मॉक अभ्यास का आयोजन किया जाएगा। अतिरिक्त उपायुक्त सोलन अजय कुमार यादव ने आज ऑरियनटेशन एण्ड कॉर्डिनेशन विषय पर आयोजित कार्यशाला में वर्चुअल माध्यम से वीडियो कॉन्फ्रेंस में भाग लिया। कार्यशाला राज्य आपदा प्रबंधन के निदेशक व विशेष सचिव डी.सी. राणा की अध्यक्षता में वर्चुअल माध्यम से आयोजित की गई। अतिरिक्त उपायुक्त ने इस अवसर पर कहा कि राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के दिशा-निर्देशानुसार 14 जून, 2024 को सोलन ज़िला के पाँचों उपमण्डलों में बाढ़ व भूस्खलन विषय पर मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा। मॉक ड्रिल में ज़िला के समस्त विभागों के अधिकारी व कर्मचारी शामिल होकर आपदा से बचाव के गुर सिखेंगे। उन्होंने कार्यशाला में 14 जून को आयोजित की जाने वाली मैगा मॉक अभ्यास के लिए उचित दिशा-निर्देश एवं सुझाव दिए। उन्होंने कहा कि मैगा मॉक ड्रिल में अस्थाई राहत शिविर अस्पताल तैयार किए जाएंगे तथा भूस्खलन व बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए त्वरित एक्शन प्लान के बारे में जागरूक किया जाएगा ताकि आपदा के समय नुकसान को न्यून से न्यून किया जा सके। उन्होंने बताया कि इस अवसर पर राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण का विशेष तौर पर नेतृत्व कर रहे सेवानिवृत्त मेजर जनरल सुधीर बहल ने आपदा से निपटने के लिए विशेष योजना के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी।


















































