पठानकोट से संबंध रखने वाले युवा इशित महाजन ने मुंबई में पंजाब का नाम रोशन किया है। उन्होंने फैशन डिजाइनिंग में राष्ट्रीय स्तर की डिजाइनिंग प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त किया। इशित के पिता रॉकी एक टेलर हैं और पठानकोट में रॉकी स्टूडियो नाम से टेलरिंग की दुकान चलाते है, जबकि इशित एटलस स्किल टेक युनिवर्सिटी मुंबई में फैशन डिजाइनिंग के छात्र हैं और भारत भर से फैशन डिजाइनिंग में 10 हजार डिजाइनर में से पहले उसने टॉप 16 में जगह बनाई और अब प्रथम स्थान प्राप्त कर न केवल पठानकोट बल्कि पूरे पंजाब का नाम मुंबई में चमकाया है। उन्होंने लिवा प्रोटेज विनर का खिताब अपने नाम किया है।
हिमाचल प्रदेश के कुल्लू के जाणा गांव के पास रविवार तड़के एक सड़क हादसे में दो युवकों की मौत हो गई। फागली उत्सव से लौट रही एक बोलेरो कैंपर अनियंत्रित होकर करीब 100 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। इस दुर्घटना में तीन अन्य लोग घायल हुए हैं, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है। पुलिस के अनुसार, यह हादसा रविवार तड़के करीब 3:30 बजे जाणा वॉटरफॉल के समीप हुआ। बोलेरो कैंपर में सवार पांच दोस्त फागली उत्सव में देवता के दर्शन कर लौट रहे थे। एसपी कुल्लू मदन लाल कौशल ने घटना की पुष्टि की है। घायल चश्मदीद विवेक (20 वर्ष), निवासी गांव कोटाधार, ने पुलिस को दिए अपने बयान में बताया कि वे सभी दोस्त शनिवार को जाणा गांव में फागली उत्सव के लिए आए थे। विवेक के अनुसार, जाणा बस स्टैंड से लगभग 250 मीटर आगे वॉटरफॉल के पास चालक अविनाश ने गाड़ी से नियंत्रण खो दिया। गाड़ी पहले पहाड़ी से टकराई और फिर सीधे खाई में जा गिरी। इस हादसे में बोलेरो ड्राइवर 20 वर्षीय अविनाश और सोनम की मौत हो गई, जबकि गांव कोटाधार निवासी 20 वर्षीय विवेक, हेमराज और विजय गंभीर रुप से घायल हो गए। तीनों घायलों को उपचार के लिए कुल्लू अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मृतक अविनाश के पैतृक गांव सौर (डाकघर कराड़सू) और विवेक के गांव कोटाधार में इस घटना के बाद शोक का माहौल है।
बाबा कांशी राम राजकीय महाविद्यालय डाडासीबा के करियर एवं मार्गदर्शन प्रकोष्ठ द्वारा करियर पॉइंट अकादमी डाडासीबा के सहयोग से महाविद्यालय परिसर में एक विशेष करियर मार्गदर्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को विभिन्न करियर विकल्पों एवं प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान करना था। कार्यक्रम का शुभारंभ कार्यक्रम प्रभारी डॉ. राम पाल द्वारा स्वागत भाषण के साथ किया गया। उन्होंने विद्यार्थियों को अपने लक्ष्य के प्रति सजग रहने तथा समय का सदुपयोग करने के लिए प्रेरित किया। महाविद्यालय की प्राचार्या प्रोफेसर रजनी संख्यान ने अपने संबोधन में छात्र जीवन में करियर के महत्व को विस्तार से समझाया। उन्होंने बताया कि वर्तमान प्रतिस्पर्धी युग में सही मार्गदर्शन, निरंतर परिश्रम और उचित रणनीति के माध्यम से विद्यार्थी विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता प्राप्त कर सकते हैं। साथ ही उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासन, आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच अपनाने की प्रेरणा दी। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता एवं संसाधन व्यक्ति मनोज कुमार, निदेशक-सह-स्वामी, करियर पॉइंट अकादमी डाडासीबा ने करियर के विभिन्न आयामों पर प्रकाश डाला। उन्होंने सरकारी एवं गैर-सरकारी क्षेत्रों में उपलब्ध अवसरों, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की रणनीति तथा समय प्रबंधन के महत्व पर विस्तारपूर्वक चर्चा की। विद्यार्थियों ने उनकी बातों को गंभीरता से सुना और अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया। कार्यक्रम के अंत में डॉ. राम पाल ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए सभी अतिथियों, प्राध्यापकों एवं विद्यार्थियों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर प्रोफेसर दविंदर सिंह, प्रोफेसर खेम चंद, सहायक पुस्तकालयाध्यक्ष अंजना देवी तथा अधीक्षक ग्रेड–II कुंता देवी सहित अन्य स्टाफ सदस्य भी उपस्थित रहे।
हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा (HAS) की अधिकारी ओशिन शर्मा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट हटा दिए हैं। यह कदम हाल के विवादों और सरकार की सख्ती के बाद उठाया गया बताया जा रहा है। इससे पहले भी उनकी सोशल मीडिया गतिविधियों को लेकर सवाल उठते रहे हैं। हाल में एक निजी कंपनी के उत्पाद के प्रमोशन से जुड़ा मामला सामने आने पर चर्चा तेज हो गई थी। ओशिन शर्मा वर्तमान में शिमला में एसडीएम के पद पर तैनात हैं। उनकी सोशल मीडिया पर सक्रियता चर्चा का विषय थी। इसको लेकर वह विवाद में थी। विपक्ष भी इसको लेकर सरकार पर सवाल उठा रहा था। विधानसभा सत्र के दौरान एक बीजेपी विधायक ने बिना नाम लिए अधिकारियों की सोशल मीडिया सक्रियता पर सवाल उठाए थे। उत्पाद प्रमोशन की शिकायत मिलने के बाद मुख्य सचिव ने मामले की जांच के आदेश दिए। सरकार ने संकेत दिया था कि सेवा नियमों के उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वहीं अब लगातार विवाद और बढ़ते दबाव के बीच अधिकारी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट बंद कर दिए। हालांकि इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं हुआ है।
उद्योग मंत्री हर्षवर्द्धन चौहान ने आज यहां नगर निगम सोलन की परिधि में नुकसान दायक सिद्ध हो रहे वृक्षों को हटाने के लिए प्रस्तावित स्थलों का निरीक्षण कर अधिकारियों से विचार-विमर्श किया। उद्योग मंत्री ने नगर निगम सोलन की परिधि में वृक्ष प्राधिकरण समिति द्वारा संस्तुत 28 वृक्षों को हटाने के लिए प्रस्तावित 13 स्थलों में से चंबाघाट में शिव मंदिर के समीप, नए बस स्टैंड के समीप लोहार मोहल्ला, नहोड़ गांव के समीप, ठोड़ो मैदान के समीप तथा खुंडीधार में निर्धारित स्थलों का निरीक्षण किया तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश जारी किए। हर्षवर्द्धन चौहान ने इस अवसर पर आश्वासन दिया कि भविष्य में भी सोलन नगर निगम के क्षेत्र में वृक्ष कटान की अनुमति उन्हीं स्थानों पर दी जाएगी जहां पर जान-माल का खतरा हो। उन्होंने कहा कि एक पेड़ काटने के एवज में व्यक्ति को 05 पेड़ लगाना अनिवार्य होगा ताकि हरित क्षेत्र प्रभावित न हो। उद्योग मंत्री ने कहा कि हिमाचल में पर्यटन क्षेत्र आर्थिकी के आधार स्तम्भ में से एक है और हरित आवरण पर्यटकों की संख्या में वृद्धि तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए आवश्यक है। उन्होंने कहा कि वृक्ष कटान की अनुमति देते समय सभी आवश्यक पहलुओं का ध्यान रखा जाता है। उन्होंने इस अवसर पर नगर निगम सोलन की महापौर, पार्षदों तथा अधिकारियों से सोलन शहर के सौंदर्यकरण, मूलभूत सुविधाओं एवं अधोसंरचनात्मक आवश्यकताओं के सम्बन्ध में फीडबैक ली। उन्होंने कहा कि सभी आवश्यक पहलुओं को प्रदेश सरकार के ध्यान में लाया जाएगा। ज़िला कांग्रेस अध्यक्ष सुभाष चन्द बरमानी, नगर निगम सोलन की महापौर ऊषा शर्मा, नगर निगम सोलन के पार्षद सरदार सिंह ठाकुर, राजीव कौडा, संतोष ठाकुर, अभय, मनोनीत पार्षद रजत थापा, उप महाधिवक्ता रोहित शर्मा, हिमाचल प्रदेश व्यापार कल्याण बोर्ड के सदस्य शोभित बहल, नगर निगम सोलन की आयुक्त एकता कापटा, ज़िला उद्योग महाप्रबंधक सुरेंद्र ठाकुर, उपमण्डलाधिकारी सोलन डॉ. पूनम बंसल, नगर निगम सोलन के संयुक्त आयुक्त चेतन चौहान, ट्री ऑफिसर चन्द्रिका शर्मा सहित अन्य व्यक्ति एवं स्थानीय निवासी इस अवसर पर उपस्थित थे।
साई संजीवनी हॉस्पिटल में आपातकालीन सर्जरी के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज करते हुए, प्रसिद्ध सर्जन डॉ. संजय अग्रवाल के नेतृत्व में डुओडेनल अल्सर परफोरेशन (आंत में छेद) का सफल लैप्रोस्कोपिक ऑपरेशन किया गया। रोगी को तीव्र पेट दर्द, उल्टी तथा पेट में गंभीर संक्रमण (एक्यूट एब्डॉमेन) के लक्षणों के साथ अस्पताल लाया गया था। आवश्यक जांचों एवं चिकित्सकीय मूल्यांकन के बाद डुओडेनल अल्सर परफोरेशन की पुष्टि हुई। मरीज की स्थिति को देखते हुए डॉ. संजय अग्रवाल एवं उनकी टीम ने पारंपरिक ओपन सर्जरी के स्थान पर आधुनिक लैप्रोस्कोपिक (दूरबीन विधि) तकनीक से ऑपरेशन करने का निर्णय लिया। ऑपरेशन के दौरान डुओडेनम में हुए छेद की पहचान कर उसे सफलतापूर्वक लैप्रोस्कोपिक तकनीक से ठीक किया गया। सर्जरी बिना किसी जटिलता के संपन्न हुई। इस आधुनिक विधि से मरीज को कम दर्द, कम रक्तस्राव, छोटे चीरे तथा शीघ्र स्वस्थ होने का लाभ मिला। वर्तमान में मरीज की स्थिति स्थिर है और वह चिकित्सकीय निगरानी में तेजी से स्वस्थ हो रहा है। यह सफल आपातकालीन सर्जरी सोलन में उन्नत लैप्रोस्कोपिक सुविधाओं की उपलब्धता को दर्शाती है, जिससे अब गंभीर मरीजों को उपचार के लिए बड़े शहरों की ओर जाने की आवश्यकता कम हो गई है। अस्पताल प्रशासन ने बताया कि पेप्टिक अल्सर परफोरेशन जैसी गंभीर स्थिति में समय पर पहचान और शीघ्र सर्जरी अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि देरी होने पर पेरिटोनाइटिस और सेप्सिस जैसी जानलेवा जटिलताएँ उत्पन्न हो सकती हैं।
हरिपुर में 27 फरवरी को सुबह 09:00 बजे से सायं कार्य समाप्त होने तक 11 के.वी. दौलतपुर फीडर के जरूरी रखरखाव हेतु फीडर के अंतर्गत आने वाले गांवों जोकि दौलतपुर, तकीपुर, जलाडी, कुल्थी, धमेड, जन्यांकड़, घट्टा, जतेहर, चौंदा, कोपर लाहड, टल्ला, तर्खानकर, रसूह तथा फर्ना आदि की विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। यह जानकारी सहायक अभियंता आदित्य सूद ने दी। साथ ही धीरा में भी विद्युत उपमंडल डरोह के अंतर्गत आने वाले विद्युत अनुभाग कार्यालय धीरा की 11 के.वी. काहनफट फीडर की नई 11 के. वी. लाइन के दूसरे चरण का कार्य आरंभ किए जाने के कारण भदरोल, काहनफट, पनयाली, लाहरु आदि गांवों में 27 फरवरी को सुबह 9:30 बजे से लेकर कार्य समाप्ति तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। यह जानकारी सहायक अभियन्ता सुभाष कुमार ने दी।
हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जिला बिलासपुर के थाना कोट पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत श्री नैनादेवी क्षेत्र के घवांडल गांव में सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर लाखों रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। एक व्यक्ति ने खुद को लोक निर्माण विभाग का इंजीनियर बताकर महिला से 4 लाख 56 हजार रुपए ठग लिए। पुलिस ने आरोपित के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार, घवांडल निवासी नीता देवी ने आरोप लगाया है कि फरवरी 2024 में राकेश कुमार निवासी चौपाल, जिला शिमला ने उनसे संपर्क किया। आरोपित ने स्वयं को लोक निर्माण विभाग में इंजीनियर बताते हुए उनके बेटे को सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा दिया। सरकारी नौकरी का सपना दिखाकर आरोपित ने महिला का विश्वास जीत लिया और अलग-अलग तिथियों में कुल 4 लाख 56 हजार रुपए अपने बताए गए बैंक अकाउंट में जमा करवा लिए। पीड़िता ने ये राशि अपने खाते के अलावा रिश्तेदारों के खातों से भी ट्रांसफर करवाई। शिकायत में बताया गया है कि आरोपित पिछले दो वर्षों से नौकरी लगने की प्रक्रिया पूरी होने का आश्वासन देता रहा। वह कभी फाइल आगे बढ़ने की बात करता तो कभी नियुक्ति पत्र जारी होने का बहाना बनाता रहा। जब काफी समय बीत जाने के बाद भी न तो नौकरी मिली और न ही पैसे वापस किए गए, तो महिला को अपने साथ ठगी होने का एहसास हुआ। हालात यहां तक पहुंच गए कि अब आरोपी पीड़िता के फोन कॉल तक रिसीव नहीं कर रहा है।
हज यात्रा 2026 की तैयारियां शुरू हो गई है। हिमाचल से हज यात्रा पर इस बार 67 यात्री सऊदी अरब जा रहे है। हिमाचल से हज यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए मेडिकल स्क्रीनिंग व टीकाकरण का कार्यक्रम 5 मार्च से शुरू होने जा रहा है।इसको लेकर सचिवालय में हिमाचल प्रदेश हज समिति की एक महत्वपर्ण बैठक समिति के अध्यक्ष दिलदार अली बट्ट की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में वर्ष 2026 में हज यात्रा पर जाने वाले हिमाचल प्रदेश के हाजियों से संबंधित विभिन्न व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में मनोज कुमार चौहान, आईएएस, मुख्य कार्यकारी अधिकारी हज समिति-एवं विशेष सचिव (गृह) तथा राकेश शर्मा, वरिष्ठ कोल्ड चेन अधिकारी-एवं-्नोडल अधिकारी (हज) नेशनल हेल्थ मिशन भी उपस्थित रहे। बैठक में केंद्र सरकार द्वारा जारी नए दिशा-निर्देशों एवं मानक संचालन प्रक्रियाओं (एसओपी) की जानकारी दी गई, जिनका पालन हज यात्रियों की चिकित्सीय जांच एवं टीकाकरण के दौरान किया जाएगा। वहीं बैठक के दौरान समिति ने सर्वसम्मति से जिला-वार हाजियों की संख्या तथा मेडिकल स्क्रीनिंग व टीकाकरण का कार्यक्रम भी निर्धारित किया। निर्धारित किए गए कार्यक्रम के अनुसार जिला सिरमौर के हाजियों जिनमें 2 कांगड़ा से सम्बन्ध रखते हैं' की चिकित्सीय जांच एवं टीकाकरण 5 मार्च को मिस्रवाला मरकज़, पांवटा साहिब में होगा। वहीं जिला सोलन के हाजियों की चिकित्सीय जांच एवं टीकाकरण 6 मार्च को नालागढ़ मरकज़ में होगी। जिला बिलासपुर के हाजियों की चिकित्सीय जांच एवं टीकाकरण 7 मार्च को जामा मस्जिद, रौड़ा सेक्टर जिला बिलासपुर में, मंडी व कुल्लू के हाजियों की चिकित्सीय जांच एवं टीकाकरण 9 मार्च को जामा मस्जिद, भोजपुर (सुंदरनगर) में, जिला चंबा के हाजियों की चिकित्सीय जांच एवं टीकाकरण 10 मार्च को मदनी मदरसा, गांव मसवाड़ी, डाकघर पल्यूर में तथा जिला कांगड़ा के हाजियों की चिकित्सीय जांच एवं टीकाकरण 9 मार्च को मस्जिद, गांव गगवाल, डाकघर बसंतपुर, तहसील इंदौरा में होगा। बैठक में अध्यक्ष की संस्तुति पर हाजी हुसैन अली (चंबा) एवं यूनुस परवेज भटटी (पांवटा साहिब) को राज्य हज प्रशिक्षक नियुक्त करने का निर्णय भी लिया गया, जो हाजियों को प्रशिक्षण देने के साथ-साथ मेडिकल टीमों के सहयोग हेतु कार्य करेंगे। समिति ने संबंधित जिलों के उपायुक्तों, पुलिस अधीक्षकों, मुख्य चिकित्सा अधिकारियों तथा मिशन निदेशक, नेशनल हेल्थ मिशन को व्यवस्थाएं समयबद्ध एवं सुचारू रूप से सुनिश्चित करने हेतू आवश्यक दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं। समिति के अध्यक्ष दिलदार अली बट्ट ने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के कुशल मार्गदर्शन में प्रदेश हज समिति हाजियों के लिए उचित व्यवस्थाओं व सुविधाओं के लिए वचनबद्ध है। उन्होंने कहा कि हज पर जाने वाले यात्रियों को किसी तरह की समस्या नहीं आने दी जाएगी।
भारतीय मजदूर संघ हिमाचल प्रदेश इकाई ने विभिन्न मजदूर संगठनों के साथ नूरपुर, व फतेहपुर में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदेश अध्यक्ष मदन राणा की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने फतेहपुर सब्जी मंडी से हाड़ा बाजार होते हुए फतेहपुर बाजार तक रैली निकाली और तहसीलदार फतेहपुर के माध्यम से मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ज्ञापन भेजा। वहीं नूरपुर में जिला मजदूर संघ प्रधान पुरुषोत्तम शर्मा के नेतृत्व में मजदूरों नें विरोध प्रदर्शन के दौरान सड़कों पर जोरदार हल्ला बोला और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों को लेकर रोष जताया। मंजदूर संगठन ने मुख्यमंत्री हिमाचल ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू को एस डी एम नूरपुर के माध्यम से 24 सूत्रीय मांग पत्र सौंपते हुए कर्मचारियों तथा असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों की समस्याओं का जल्द समाधान करने की मांग उठाई है। संघ ने चेतावनी दी है कि यदि एक माह के भीतर मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेश भर में जोरदार आंदोलन शुरू किया जाएगा। संघ पदाधिकारियों के अनुसार 20–21 दिसंबर 2025 को ऊना और मेहतपुर में आयोजित प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में कर्मचारियों व श्रमिकों की समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई थी। ज्ञापन में असंगठित क्षेत्र एवं योजना कर्मियों के लिए न्यूनतम वेतन 26,000 रुपये प्रतिमाह निर्धारित करने, सभी कर्मचारियों को EPF, ESI और HRA का लाभ देने तथा HRA की सीमा बढ़ाने की मांग की गई है। इसके अलावा आशा वर्कर्स, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और मिड-डे मील कर्मियों के मानदेय में वृद्धि, सेवानिवृत्ति आयु 65 वर्ष करने तथा 5 लाख रुपये ग्रेच्युटी देने की मांग भी प्रमुख रूप से उठाई गई है। संघ ने राज्य कर्मचारियों के लंबित एरियर और महंगाई भत्ते की किस्तें जारी करने तथा सातवें वेतनमान के लाभ सुनिश्चित करने की मांग की है। साथ ही कर्मचारियों के हित में समान वेतन नीति लागू करने और विभिन्न विभागों में लंबित मामलों का जल्द निपटारा करने पर भी जोर दिया गया। संगठन का कहना है कि कर्मचारियों और श्रमिकों की समस्याएं लंबे समय से लंबित हैं, जिनका शीघ्र समाधान आवश्यक है। संघ ने पुरानी पेंशन योजना (OPS) को प्रभावी रूप से लागू करने पर विशेष जोर दिया है। इसके अतिरिक्त परिवहन कर्मचारियों की समस्याओं को उठाते हुए हिमाचल पथ परिवहन निगम के लिए पर्याप्त बजट प्रावधान, समय पर वेतन भुगतान तथा वेतन विसंगतियां दूर करने की मांग की गई है। ज्ञापन में विभागवार मांगें भी शामिल हैं, जिनमें पदोन्नति प्रक्रियाओं में तेजी, आउटसोर्स कर्मचारियों को नियमित करना, पंचायत चौकीदारों व टेलरिंग टीचरों को नियमित करना तथा सेवानिवृत्त कर्मचारियों के पेंशन व मेडिकल बिलों का समय पर भुगतान करना प्रमुख है। संघ ने कहा कि मांगों पर जल्द निर्णय न होने पर चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा।
कृषि एवं पशुपालन मंत्री प्रो. चंद्र कुमार की उपस्थिति में आज ज्वाली में इलेक्ट्रिक बस का सफल ट्रायल रन किया गया। इस अवसर पर एसडीएम नरेंद्र जरियाल, एचआरटीसी के डीएम पंकज चड्डा, आरएम विजय चौधरी,अन्य विभागीय अधिकारी एवं स्थानीय लोग भी उपस्थित रहे। इस अवसर पर कृषि मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार पर्यावरण संरक्षण के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध है। बढ़ते प्रदूषण को नियंत्रित करने और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से इलेक्ट्रिक बसों की खरीद की जा रही है। उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रिक बसें न केवल पर्यावरण के अनुकूल हैं, बल्कि इनके संचालन खर्च भी पारंपरिक डीजल बसों की तुलना में कम होते हैं। उन्होंने बताया कि इन बसों के संचालन से यात्रियों को आरामदायक, सुरक्षित एवं सुगम सफर की सुविधा मिलेगी। आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित ये बसें सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ करेंगी। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में प्रदेश सरकार द्वारा और अधिक इलेक्ट्रिक बसें खरीदी जाएंगी, जिन्हें प्रदेश के अंतरराज्यीय रूटों पर चरणबद्ध तरीके से संचालित किया जाएगा, ताकि यात्रियों को सुविधाजनक एवं पर्यावरण हितैषी परिवहन उपलब्ध हो। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में प्रदेश सरकार हरित ऊर्जा और सतत विकास को प्राथमिकता दे रही है तथा सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और पर्यावरण हितैषी बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है।
कुल्लू के नगवाईं स्थित क्लिक होटल भुंतर में 27 फरवरी से 1 मार्च तक तीन दिवसीय श्री रामचरितमानस परायण अनुष्ठान एवं विशेष सत्संग का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम में अयोध्या के सिद्धपीठ हनुमत निवास के पीठाधीश्वर व प्रख्यात चिंतक आचार्य मिथिलेश नंदिनी शरण महाराज आध्यात्मिक प्रवचन देंगे और मानस परायण का संचालन करेंगे। आयोजकों के अनुसार, तीनों दिन भजन-कीर्तन, रामकथा व सत्संग का क्रम चलेगा। श्रद्धालुओं को श्री रामचरितमानस के विविध प्रसंगों का रसास्वादन करने का अवसर मिलेगा। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम को लेकर उत्साह का वातावरण है।
विधानसभा क्षेत्र ज्वालामुखी के अंतर्गत अंब पठियार स्थित राजकीय महाविद्यालय ज्वालामुखी का नाम बदलकर स्वतंत्रता सेनानी पंडित सुशील रत्न राजकीय महाविद्यालय ज्वालामुखी किए जाने के मामले में सवाल उठना शुरू हो गए हैं। सोशल मीडिया पर इस मामले को लेकर एक नोटिस भी वायरल हो रहा है। सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता रणजीत सिंह ने कहा कि उन्होंने नोटिस के माध्यम से वर्ष 1905 से 1947 तक पंडित सुशील रत्न के योगदान संबंधी दस्तावेज मांगे हैं। साथ ही यह भी पूछा गया है कि क्या महाविद्यालय में कोई लाइब्रेरी या रिकॉर्ड उपलब्ध है, जहां उनके सम्मान और उपाधियों का उल्लेख हो। यदि गलत तथ्यों के आधार पर कॉलेज का नामकरण किया गया है तो यह गंभीर विषय है। वहीं, पंचायत की वर्तमान प्रधान सुमन लता ने कहा कि पंचायत को इस संबंध में पूर्व सूचना नहीं दी गई। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री ने एक कार्यक्रम के दौरान घोषणा की गई थी, जिसके बाद नामकरण किया गया। उधर, महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. चंदन भारद्वाज ने इसे किसी की शरारत करार दिया है। उनका कहना है कि सभी औपचारिकताएं और सरकारी नोटिफिकेशन पूरे होने के बाद ही नामकरण किया गया है। इस मामले में विधायक संजय रत्न ने कहा कि ऐसा कोई भी नोटिस उन्हें प्राप्त नहीं हुआ है। पिता ने देश के लिए अपना बलिदान ओर योगदान दिया है। कॉलेज का नाम सरकार की ओर से रखा गया है। नोटिस का कोई औचित्य ही नहीं है। देश में हजारों ऐसे संस्थान है, जहां बलिदानियों और स्वतंत्रता सेनानियों के ऊपर कॉलेज स्कूलों के नाम रखे गए हैं।
नशे के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस थाना घुमारवीं की टीम ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए कीरतपुर-नेरचौक फोरलेन पर स्थित बलोह टोल प्लाजा के समीप एक कार से 949 ग्राम चरस बरामद की है। पुलिस ने मौके पर हरियाणा के दो युवकों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार मंगलवार रात घुमारवीं थाना की टीम ने टोल प्लाजा के पास विशेष नाकाबंदी कर रखी थी। इस दौरान फोरलेन से गुजरने वाले वाहनों की नियमित जांच की जा रही थी। मंडी की ओर से आ रही एक कार को संदेह के आधार पर रुकवाया गया। प्रारंभिक पूछताछ में संतोषजनक जवाब न मिलने पर पुलिस ने वाहन की तलाशी ली। तलाशी के दौरान कार के डैशबोर्ड से 949 ग्राम चरस बरामद हुई। बरामदगी के तुरंत बाद पुलिस ने कार में सवार दोनों युवकों को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में आरोपियों की पहचान विकास (29) पुत्र चांद सिंह और सोमबीर (27) पुत्र रामफल, निवासी गांव अलादादरपुर, थाना गुहाना, जिला सोनीपत, हरियाणा के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है और आगामी जांच शुरू कर दी है। जिला पुलिस अधीक्षक संदीप धवल ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि नशे के कारोबार पर सख्ती से अंकुश लगाने के लिए विशेष अभियान आगे भी जारी रहेंगे। उन्होंने कहा कि तस्करी में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और मामले में गहन जांच की जा रही है।
पुलिस ट्रेनिंग काॅलेज डरोह में प्रशिक्षण ले रही प्रशिक्षु महिला कांस्टेबल को अश्लील मैसेज भेजने के आरोप में इसी संस्थान में तैनात हेड कांस्टेबल को निलंबित कर दिया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस उप महानिरीक्षक डीआईजी उत्तरी रेंज सौम्या सांबशिवन ने तत्काल प्रभाव से हेड कांस्टेबल के खिलाफ कार्रवाई की और विभागीय जांच के आदेश जारी किए। सूत्रों के अनुसार महिला कांस्टेबल ने पांच दिन पहले डीआईजी नॉर्थ रेंज को लिखित शिकायत देकर आरोप लगाया था कि हेड कांस्टेबल की ओर से उसे व्हाट्सएप पर आपत्तिजनक और अश्लील मैसेज भेजे जा रहे हैं। शिकायत में स्क्रीन शॉट और डिजिटल साक्ष्यों का भी उल्लेख बताया जा रहा है। प्रारंभिक जांच में आरोप गंभीर पाए जाने पर हेड कांस्टेबल को निलंबित कर दिया गया। जांच में यह भी देखा जाएगा कि क्या हेड कांस्टेबल ने अपने पद का दुरुपयोग किया और क्या आईटी एक्ट तथा अन्य प्रासंगिक धाराएं लागू होती हैं। विभागीय सूत्रों का कहना है कि डिजिटल माध्यम से होने वाले उत्पीड़न के मामलों में जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी और विभागीय कार्रवाई तय की जाएगी। पुलिस विभाग में प्रशिक्षण के लिए आई युवती के याैन उत्पीड़न की शिकायत पर डीआईजी सौम्या सांबशिवन ने जो संवेदनशीलता दिखाई है, वह काबिलेतारीफ है। उम्मीद है कि मामले की सही जांच कर पीड़ित को न्याय दिलाया जाएगा।
शिमला पुलिस ने मारपीट मामले में कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह मामला लीला सिंह मेहतो (आयु 52 वर्ष) निवासी ग्राम बडावाला, तहसील विकासनगर, जिला देहरादून (उत्तराखंड), वर्तमान निवासी ग्राम बिथल, तहसील कुमारसैन, जिला शिमला की लिखित शिकायत पर दर्ज किया गया था। शिकायत के अनुसार 06.12.2025 को लगभग रात 11:30 बजे, उनके पुत्र एवरेस्ट सिंह मेहतो अपने साथी अभिषेक के साथ बिथल में एक विवाह समारोह से लौट रहे थे। जब वे काली मिट्टी (टाटा मोटर्स वर्कशॉप, बिथल के पास) पहुंचे, तो कुछ व्यक्तियों द्वारा उन्हें बिना किसी कारण के रोककर मारपीट की गई, जिससे एवरेस्ट सिंह मेहतो को सिर में चोट आई और उन्हें उपचार हेतु सिविल अस्पताल रामपुर ले जाया गया। इस मामले में जांच करते हुए 24.02.2026 को साक्ष्यों एवं जांच के आधार पर थाना कुमारसैन पुलिस ने 3 आरोपियों दीपक पुत्र हेम राज (20 वर्ष) निवासी ग्राम तुलसीपुर, राप्ती अंचल, नेपाल, वर्तमान में बैनाल/बिथल क्षेत्र, जिला शिमला में निवासरत, दूसरा आरोपी अनिल पुत्र हीरा लाल (23 वर्ष) निवासी ग्राम घेटमा, जिला रुकुम, नेपाल, वर्तमान में बिथल, तहसील कुमारसैन, जिला शिमला में निवासरत तथा तीसरा आरोपी अंकुश पुत्र प्रेम कुमार (18 वर्ष) निवासी तुर्सू, जिला डायलिख, नेपाल, वर्तमान में भद्राश, तहसील रामपुर, जिला शिमला में निवासरत है को गिरफ्तार किया गया। अब उक्त आरोपियों को माननीय न्यायालय में पेश किया जाएगा। मामले में आगामी जांच जारी है। वहीं जिला पुलिस शिमला नागरिकों से अपील करती है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि या अवैध कृत्य की सूचना तुरंत निकटतम पुलिस थाना या आपातकालीन हेल्पलाइन पर दें। सामुदायिक सहयोग से ही सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित किया जा सकता है।
जोगिंदरनगर नेरोगेज रेल लाइन के लिए आज का दिन ऐतिहासिक साबित हुआ। लगभग तीन वर्षों के लंबे इंतजार के बाद चक्की रेलवे का नवनिर्मित पुल पूरी तरह तैयार हो गया है। करीब 70 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित इस आधुनिक और सुदृढ़ पुल का यातायात नियंत्रण कमिश्नर रेलवे सेफ्टी (सीआरएस), नॉर्दर्न सर्कल दिनेश देसवाल ने रेल डिवीजन जम्मू के डिवीजनल मैनेजर विबेक सहित तकनीकी टीम के साथ गहन निरीक्षण किया और इसे संचालन के लिए हरी झंडी दे दी। निरीक्षण के दौरान सीआरएस दिनेश देसवाल ने पुल की संरचनात्मक मजबूती, ट्रैक फिटिंग, लोड क्षमता, सुरक्षा उपकरणों और अन्य सभी तकनीकी मानकों की बारीकी से जांच की। उन्होंने निर्माण कार्य को उच्च गुणवत्ता वाला बताते हुए रेलवे इंजीनियरों की सराहना की। उन्होंने कहा कि चक्की रेल ब्रिज पूरी मजबूती से बनाया गया है तथा शेष औपचारिकताएं पूरी होते ही इस रूट पर रेल संचालन शुरू कर दिया जाएगा। गौरतलब है कि वर्ष 2022 में आई भारी बारिश और चक्की खड्ड में आए तेज बहाव ने पुराने रेलवे पुल को क्षतिग्रस्त कर बहा दिया था, जिससे पंजाब के पठानकोट से कांगड़ा घाटी तक का रेल संपर्क पूरी तरह टूट गया था। लगभग तीन वर्षों तक नेरोगेज रेल सेवा बंद रहने से हजारों यात्रियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। इसके साथ ही स्थानीय व्यापार और पर्यटन उद्योग को भी बड़ा झटका लगा। सीआरएस की मंजूरी के बाद अब पठानकोट–कांगड़ा–बैजनाथ नेरोगेज रेल लाइन पर ट्रेनों के संचालन की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होते ही रेल सेवा बहाल कर दी जाएगी। लंबे इंतजार के बाद क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि कांगड़ा घाटी में फिर से रेल की सीटी गूंजेगी, जिससे आवागमन सुगम होगा और पर्यटन, रोजगार व स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी।
जिला कांगड़ा के राजकीय मांडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल फतेहपुर के बारहवीं कक्षा में पढ़ने वाले ऑटोमोबाइल विषय के छात्र लक्ष्मण ने कबाड़ और पुराने वाहनों के पार्ट्स से एक अनोखा वर्किंग मॉडल तैयार कर सबका ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया है। यह उपकरण ट्रैक्टर की तरह दिखता भी है और चलता भी है। खास बात यह है कि यह पेट्रोल से संचालित होता है और पूरी तरह कार्यशील है। सीमित संसाधनों के बावजूद छात्र ने अपनी तकनीकी समझ और रचनात्मक सोच का बेहतरीन परिचय दिया है। लक्ष्मण ने पुराने इंजन पार्ट्स, बेकार पड़ी धातु सामग्री और अन्य अनुपयोगी ऑटो पार्ट्स को एकत्र कर उन्हें नई संरचना में ढालते हुए यह मॉडल तैयार किया। उनका कहना है कि यदि विद्यार्थियों को सही मार्गदर्शन और प्रयोग का अवसर मिले तो वे कबाड़ से भी उपयोगी और नवाचारी उपकरण बना सकते हैं। यह प्रयास ‘वेस्ट टू बेस्ट’ की अवधारणा को साकार करता है और पर्यावरण संरक्षण का भी संदेश देता है। ऑटोमोबाइल के शिक्षक रविंद्र सिंह ने बताया कि छात्र ने अपनी मेहनत और लगन से इस मॉडल को तैयार किया है, जो अन्य विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा बनेगा। वहीं शिक्षक प्रमोद सिंह ने कहा कि यह स्पष्ट रूप से दर्शाता है कि व्यावसायिक शिक्षा स्कूल में पढ़ रहे बच्चों के लिए सार्थक सिद्ध हो रही है। पढ़ाई के साथ-साथ विद्यार्थी व्यावहारिक रूप से भी सक्षम बन रहे हैं। विद्यालय स्टाफ एवं शिक्षक युद्धबीर, नरदेव सिंह, पंकज, नीतू शर्मा, मनजीत कौर और पूजा चौधरी ने भी छात्र की इस उपलब्धि की सराहना की। क्षेत्रवासियों ने लक्ष्मण के प्रयास को सराहा और उम्मीद जताई कि भविष्य में वह अपने क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल करेगा।
झंडूता विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत पिछड़ा क्षेत्र कोटधार के गांव कुट में अब पेयजल किल्लत नहीं रहेगी। अब इस गांव के लोगों को कुटबांगड़ पेयजल योजना से ही पेयजल सप्लाई मिलेगी। हालांकि इससे पहले इस गांव को कुटबांगड़ पेयजल योजना से पेयजल सप्लाई नहीं रखी गई थी। लेकिन इस मसले को स्थानीय लोगों ने प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व महासचिव एवं झंडूता कांग्रेस नेता विवेक कुमार के समक्ष रखा। जिसके चलते अब इस गांव के लोगों को राहत मिली है। इन लोगों की समस्या का समाधान हुआ है। झंडूता विधानसभा क्षेत्र के कुट गांव में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व महासचिव विवेक कुमार ने विशेष रूप से शिरकत की। इस दौरान ग्रामीणों ने अपनी समस्याएं रखीं। वहीं, विवेक कुमार ने कहा कि सभी समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। साथ ही इस मौके पर गांव में पेयजल टैंक बनाने की भी बात कही। यह टैंक करीब 40 हजार लीटर का होगा। इस टैंक के बन जाने के बाद करीब 500 लोगों को पेयजल सुविधा मिलेगी। साथ ही इस गांव को कुटबांगड़ पेयजल योजना से पेयजल सप्लाई मिलेगी। विवेक कुमार ने कहा कि झंडूता विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है। क्षेत्र में शिक्षा के क्षेत्र में बढ़ावा देने के लिए प्रयास किए गए हैं। स्वास्थ्य के क्षेत्र में नई चिकित्सकों की तैनाती हुई है। इसके अलावा सड़कों की हालत सुधारी गई है। उन्होंने कहा कि बरठीं से शाहतलाई सड़क के अलावा अन्य सड़कों के कार्य जारी हैं। ताकि आम जनता को किसी तरह की समस्या न झेलनी पड़े। विवेक कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अगुवाई में प्रदेश सरकार बेहतर कार्य कर रही है। सरकार की योजनाओं का लाभ आम जनता को मिल रहा है।
एसोसिएशन ऑफ इंडियन यूनिवर्सिटीज (एआईयू) ने शूलिनी विश्वविद्यालय के सहयोग से सोलन स्थित विश्वविद्यालय परिसर में एआईयू अन्वेषण 2025-26 अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया। इस राष्ट्रीय छात्र अनुसंधान सम्मेलन में देश भर के संस्थानों से लगभग 200 छात्र और संकाय सदस्य एकत्रित हुए, जिन्होंने मौलिक अनुसंधान मॉडल, प्रोटोटाइप और नवोन्मेषी विचारों का प्रदर्शन किया। यह आयोजन बौद्धिक आदान-प्रदान और अकादमिक सहयोग के लिए एक जीवंत मंच साबित हुआ। एआईयू की प्रमुख छात्र अनुसंधान पहल, अन्वेषण का उद्देश्य युवा विद्वानों में वैज्ञानिक सोच, समस्या-समाधान कौशल और एक सशक्त अनुसंधान संस्कृति को बढ़ावा देना है। संरचित प्रस्तुतियों और संवादात्मक सत्रों के माध्यम से, इस मंच ने प्रतिभागियों को राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के साथ-साथ उभरती वैश्विक चुनौतियों के अनुरूप अनुसंधान परिणामों को प्रस्तुत करने में सक्षम बनाया, जिससे नवाचार-आधारित विकास के महत्व को बल मिला। शूलिनी विश्वविद्यालय की मुख्य शिक्षण अधिकारी डॉ. आशू खोसला ने अपने स्वागत भाषण में शोध आधारित शिक्षा और नवाचार उन्मुख शिक्षण प्रणालियों के माध्यम से युवा प्रतिभाओं के पोषण के महत्व पर बल दिया। एआईयू के संयुक्त निदेशक डॉ. अमरिंदर पाणि ने अन्वेषण को छात्र नवाचार को समर्पित देश के सबसे बड़े शोध सम्मेलनों में से एक बताया। इस परिप्रेक्ष्य को आगे बढ़ाते हुए, शूलिनी विश्वविद्यालय के नवाचार एवं विपणन विभाग के अध्यक्ष, प्रोफेसर आशीष खोसला ने अकादमिक मंचों में भागीदारी के महत्व पर बल दिया। मोहम्मद हिदायतुल्लाह द्वारा एक राष्ट्रीय विज्ञान संगोष्ठी में व्यक्त की गई टिप्पणियों का उल्लेख करते हुए, उन्होंने कहा कि भागीदारी स्वयं एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि अनुसंधान की सच्ची भावना सार्थक प्रश्न पूछने, साहस के साथ नवाचार करने और सामूहिक रूप से ज्ञान का निर्माण करने में निहित है। भारतीय अनुसंधान संस्थान (एआईयू) के अध्यक्ष, प्रोफेसर विनय पाठक ने प्राचीन विद्वानों, ऋषियों और गणितज्ञों द्वारा संवर्धित भारत की समृद्ध वैज्ञानिक विरासत पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि चिकित्सा, गणित और खगोल विज्ञान जैसे क्षेत्रों में भारतीय अनुसंधान ने ऐतिहासिक रूप से विश्व का नेतृत्व किया है। अपने संबोधन में, कुलपति प्रोफेसर पी. के. खोसला ने युवा शोधकर्ताओं को वैश्विक उत्कृष्टता के लिए प्रयास करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने उन्हें सीमाओं से परे सोचने, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने और विज्ञान और नवाचार में नेतृत्व के पदों की आकांक्षा रखने के लिए प्रोत्साहित किया, जिससे भारत वैश्विक अनुसंधान मानचित्र पर प्रमुख स्थान प्राप्त कर सके। धन्यवाद ज्ञापन शूलिनी विश्वविद्यालय के प्रबंधन विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर, चंदर मोहन गुप्ता ने दिया, जिन्होंने कहा कि प्रत्येक नवाचार एक विचार से शुरू होता है और सार्थक अनुसंधान परिणामों में परिवर्तित होने के लिए व्यवस्थित अवधारणा की आवश्यकता होती है।
मिनर्वा कॉलेज ऑफ एजुकेशन, इंदौरा के विद्यार्थियों ने “युवा चेंज मेकर्स” नेतृत्व विकास कार्यक्रम में सक्रिय रूप से भाग लिया। यह कार्यक्रम हमीरपुर के सांसद अनुराग सिंह ठाकुर द्वारा हिमाचल प्रदेश के युवाओं के लिए प्रारंभ किया गया है। कार्यक्रम का शुभारंभ जनवरी 2026 के अंतिम सप्ताह में किया गया, जबकि पंजीकरण प्रक्रिया 25 जनवरी 2026 से आरंभ हुई। एक वर्ष की इस फेलोशिप का उद्देश्य युवाओं को राजनीतिक समझ, सुशासन की दक्षता तथा सामाजिक संवेदनशीलता से युक्त नेतृत्व के लिए तैयार करना है। कार्यक्रम के विभिन्न चरणों के उपरांत 40 से 50 युवाओं का चयन किया जाएगा, जिनमें से अंतिम चरण में 17 से 21 “चेंज मेकर्स” चुने जाएंगे। चयनित प्रतिभागी सीधे सांसद के साथ क्षेत्रीय विकास परियोजनाओं पर कार्य करेंगे। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले शीर्ष 21 युवाओं को ₹1,21,000 की प्रोत्साहन राशि (इंसेंटिव ग्रांट) प्रदान की जाएगी। इस पहल के अंतर्गत कॉलेज के विद्यार्थियों ने युवाओं का ऑनलाइन पंजीकरण एवं नामांकन भी करवाया। छात्रों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अधिक से अधिक युवाओं को कार्यक्रम से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कॉलेज प्रशासन का कहना है कि यह कार्यक्रम प्रदेश के युवाओं के लिए सार्वजनिक जीवन में प्रवेश का एक सशक्त एवं संरचित मंच सिद्ध होगा, जिससे वे अपनी नेतृत्व क्षमता का विकास कर समाज और राज्य के समग्र विकास में सक्रिय योगदान दे सकेंगे। कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत कुमार ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत सिद्ध होते हैं। उन्होंने कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि यदि प्रत्येक सांसद अपने निर्वाचन क्षेत्र में इस प्रकार की पहल करे, तो प्रत्येक क्षेत्र की प्रगति देश की समग्र उन्नति में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती है।
मिनर्वा कॉलेज ऑफ़ फार्मेसी, इंदौरा के बी.फार्मेसी छठे सत्र के छात्रों के लिए एक दिवसीय औद्योगिक दौरे का आयोजन किया गया। इस दौरान छात्रों ने अमृतसर में स्थित एकअग्रणी फार्मास्युटिकल कंपनी एस्पेन लाइफसाइंसेज प्राइवेट लिमिटेड का दौरा किया, जिस से उन्हें वास्तविक औद्योगिक वातावरण तथा दवा निर्माण प्रक्रियाओं का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त हुआ। इस औद्योगिक भ्रमण में कॉलेज के दो प्राध्यापक मिस्टर अजय शर्मा व मिस कोमल कश्यप भी विद्यार्थियों के साथ उपस्थित रहे। शिक्षकों के मार्गदर्शन में छात्रों ने विभिन्न विभागों का अवलोकन किया तथा उद्योग विशेषज्ञों से महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की। भ्रमण का मुख्य उद्देश्य छात्रों को फार्मास्युटिकल उद्योग की कार्यप्रणाली, नवीनतम तकनीकों और गुणवत्ता नियंत्रण प्रक्रियाओं से परिचित कराना था। छात्रों ने कंपनी के विभिन्न विभागों जैसे उत्पादन, गुणवत्ता नियंत्रण और उन्नत उपकरण संचालन के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। औद्योगिक दौरे के दौरान, छात्रों को वास्तविक जीवन की औद्योगिक प्रक्रियाओं को नज़दीक से देखने का अवसर मिला, जिस से उनके शैक्षणिक ज्ञान को व्यावहारिक अनुभव के साथ जोड़ा जा सका। कॉलेज प्रबंधक इंजीनियर जे.एस.पटियाल का मानना है कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए इस प्रकार के औद्योगिक एवं शैक्षणिक कार्यक्रम अत्यंत आवश्यक हैं, इसलिए संस्थान हमेशा ऐसे आयोजनों के लिए तत्पर रहता है। मिनर्वा ग्रुप ऑफ़ कॉलेजेस के डीन अकादमिक प्रोफेसर बी.डी.शर्मा का कहना है कि ऐसे दौरे छात्रों के लिए भविष्य के करियर हेतु भी महत्वपूर्ण सीख प्रदान करते हैं, और यह उनकी औद्योगिक समझ तथा व्यावसायिक कौशलों को निखारने में सहायक होते हैं। कॉलेज प्राचार्य डॉ. कपिल कुमार वर्मा का कहना है कि औद्योगिक भ्रमण विद्यार्थियों के शैक्षणिक विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा है। हमारा उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल सैद्धांतिक ज्ञान तक सीमित न रखकर उन्हें व्यावहारिक अनुभव प्रदान करना है, ताकि वे भविष्य में एक सक्षम और जिम्मेदार फार्मासिस्ट बन सकें।
ऑनलाइन साइबर ठगी के मामलों में नूरपुर पुलिस ने सफलता हासिल की है। जिला नूरपुर में वर्ष 2023 एवं 2024 के दौरान पुलिस थाना नूरपुर में ऑनलाइन साइबर ठगी के दो मामले दर्ज हुए थे। जिसमें पहला मामला 23.03.2023 को IPC की धारा 420 के तहत शिकायतकर्ता हरबंस सिंह निवासी तहसील फतेहपुर, जिला कांगड़ा (हि.प्र.) से अज्ञात व्यक्तियों द्वारा व्हाट्सएप कॉल के माध्यम से 03 लाख रुपये की ठगी के आरोप में दर्ज किया गया था। वहीं दूसरा मामला 18.01.2024 को IPC की धारा 420 के तहत शिकायतकर्ता शिमला देवी निवासी तहसील नूरपुर, जिला कांगड़ा (हि.प्र.) से अज्ञात आरोपियों द्वारा फोन कॉल के माध्यम से कुल 3,20,000/- रुपये गूगल पे के माध्यम से ठगने के आरोप में दर्ज किए गए थे। दोनों मामलों की गंभीरता को देखते हुए पुलिस जिला नूरपुर द्वारा विशेष रणनीति के तहत एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने तकनीकी विश्लेषण, डिजिटल ट्रैकिंग, बैंक लेन-देन की जांच तथा अन्य राज्यों में दबिश देकर लगातार कार्रवाई की। टीम के सतत प्रयासों से पहले मामले में शिकायतकर्ता हरबंस सिंह को 03 लाख रुपये वापस दिलाने में सफलता प्राप्त हुई है। दूसरे मामले में जांच के दौरान पुलिस टीम जब आरोपी की गिरफ्तारी हेतु बिहार पहुंची तो मुख्य आरोपी महाबीर कुमार निवासी पश्चिम चंपारण, बिहार वहां से फरार होकर गुजरात भाग गया। पुलिस टीम ने लगातार पीछा करते हुए आरोपी को सूरत (गुजरात) से गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ जारी है तथा इन मामलों में अन्य व्यक्तियों की संलिप्तता की भी जांच की जा रही है।
हिमाचल प्रदेश के शिमला स्थित अटल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल सुपर स्पेशलिटी अस्पताल (एआईएमएसएस) चमियाणा परिसर में मंगलवार सुबह एक कुत्ता मानव पैर का हिस्सा मुंह में लेकर घूमता हुआ दिखाई दिया। इस घटना का वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। यह इंसानी अंग अस्पताल में की गई एम्प्यूटेशन (शरीर का अंग काटने) प्रक्रिया के बाद मेडिकल वेस्ट में रखा गया था। यह किसी दुर्घटना के मामले में किया गया था। अस्पताल प्रशासन ने इस लापरवाही के संबंध में सफाई सुपरवाइजर से जवाब तलब किया है। अस्पताल के स्तर पर यह गंभीर लापरवाही मानी जा रही है, क्योंकि कटे हुए अंगों के निपटान की उचित व्यवस्था होती है। पूरे मामले की तथ्यात्मक जांच के लिए एक फैक्ट फाइंडिंग कमेटी का गठन किया गया है। इस समिति में नर्सिंग सुपरिंटेंडेंट लीलावती, बायो मेडिकल वेस्ट के नोडल अधिकारी राजेश वर्मा और मैट्रन लीला बोध को शामिल किया गया है। यह समिति मामले की पूरी जांच कर तथ्यों का पता लगाएगी, जिम्मेदारी तय करेगी और भविष्य में ऐसी पुनरावृत्ति रोकने के लिए संभावित चूक की पहचान करेगी। प्रशासन के अनुसार, समिति आज शाम 5 बजे तक अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। वहीं अस्पताल प्रबंधन ने आश्वासन दिया है कि यदि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाई जाती है, तो संबंधित जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बिक्रम ठाकुर ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि सरकार की लापरवाही और वित्तीय कुप्रबंधन ने हिमाचल की स्वास्थ्य व्यवस्था को गंभीर संकट में धकेल दिया है। उन्होंने कहा कि पहले बड़े-बड़े मंचों से घोषणा की गई थी कि आधुनिक रोबोटिक सर्जरी जैसी सुविधा आम लोगों को राहत देने के लिए लाई जाएगी और इसे हिमकेयर के दायरे में शामिल किया जाएगा, लेकिन आज स्थिति यह है कि न केवल रोबोटिक सर्जरी की फीस बढ़ा दी गई है बल्कि सामान्य उपचार भी महंगा कर दिया गया है। यह सीधे तौर पर गरीब और मध्यम वर्ग के साथ विश्वासघात है, जिनके लिए ये योजनाएं जीवनरेखा मानी जाती थीं। बिक्रम ठाकुर ने कहा कि सरकार एक ओर मुफ्त इलाज का ढोल पीट रही है, वहीं दूसरी ओर आयुष्मान भारत और हिमकेयर के तहत अस्पतालों को समय पर भुगतान नहीं किया जा रहा। करोड़ों रुपये की देनदारी लंबित होने के कारण कई अस्पताल योजनाओं के मरीजों को भर्ती करने से बच रहे हैं या फिर आधा-अधूरा इलाज कर उन्हें बाहर से दवाइयां और इंजेक्शन खरीदने के लिए मजबूर कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि यह स्थिति सरकार की प्रशासनिक विफलता और आर्थिक कंगाली का परिणाम है, जिसका खामियाजा सीधे तौर पर आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के कई अस्पतालों में कैंसर, हृदय रोग, किडनी और अन्य गंभीर बीमारियों की जीवनरक्षक दवाइयों की भारी कमी बनी हुई है। मरीजों को हजारों रुपये के इंजेक्शन और जरूरी दवाइयां निजी मेडिकल स्टोर से खरीदनी पड़ रही हैं। गरीब परिवार, जो इन योजनाओं के सहारे इलाज की उम्मीद लेकर अस्पताल पहुंचते हैं, उन्हें निराशा हाथ लग रही है। कई मामलों में ऑपरेशन टल रहे हैं, जांचें बाहर करवानी पड़ रही हैं और मरीज आर्थिक व मानसिक तनाव से गुजर रहे हैं। सरकार के दावे और जमीनी हकीकत में साफ अंतर दिखाई दे रहा है। बिक्रम ठाकुर ने कहा कि स्वास्थ्य जैसी संवेदनशील व्यवस्था के साथ इस प्रकार का खिलवाड़ अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। जब सरकार ने खुद रोबोटिक सर्जरी जैसी सुविधा का प्रचार किया, तो उसे यह भी सुनिश्चित करना चाहिए था कि उसका लाभ गरीबों तक पहुंचे। लेकिन अब फीस बढ़ाकर इसे आम आदमी की पहुंच से बाहर कर दिया गया है। यह स्पष्ट संकेत है कि सरकार केवल घोषणाओं तक सीमित है और उसे न तो मरीजों की चिंता है और न ही प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की कोई ठोस योजना। उन्होंने मांग की कि हिमकेयर और आयुष्मान के तहत लंबित सभी भुगतान तुरंत जारी किए जाएं, अस्पतालों में आवश्यक जीवनरक्षक दवाइयों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए और रोबोटिक सर्जरी की बढ़ी हुई फीस को तुरंत वापस लिया जाए। यदि सरकार ने शीघ्र सुधारात्मक कदम नहीं उठाए तो भाजपा इस जनविरोधी नीति के खिलाफ प्रदेशव्यापी आंदोलन करेगी। बिक्रम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश की जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और सरकार को अपनी विफलताओं का जवाब देना ही होगा।
मंडी जिले के सुंदरनगर के बेच्छना गांव के निवासी और भारतीय सेना में नायब सूबेदार भूपेंद्र सिंह ने दक्षिण अमेरिका की सबसे ऊंची चोटी माउंट अकोंकागुआ पर पहुंचकर इतिहास रच दिया है। उनकी यह उपलब्धि न केवल हिमाचल बल्कि पूरे देश के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गई है। यह विशेष अभियान नेहरू पर्वतारोहण संस्थान और जवाहर पर्वतारोहण संस्थान के संयुक्त दल द्वारा संचालित किया गया था। इस अभियान का उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय पर्वतारोहण कौशल का प्रदर्शन करना था। नायब सूबेदार भूपेंद्र सिंह इस दल के महत्वपूर्ण सदस्य रहे और उन्होंने अपने अनुशासन, धैर्य और साहस से मिशन को सफल बनाया। बता दें कि दक्षिण अमेरिका में स्थित माउंट अकोंकागुआ लगभग 6,961 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है और इसे विश्व की सबसे चुनौतीपूर्ण चोटियों में गिना जाता है। यहां का तापमान शून्य से कई डिग्री नीचे चला जाता है। तेज बर्फीली हवाएं चलती हैं और ऑक्सीजन की भारी कमी पर्वतारोहियों की परीक्षा लेती है। इन कठिन परिस्थितियों के बीच 22 फरवरी 2026 को दोपहर 2:10 बजे नायब सूबेदार भूपेंद्र सिंह ने शिखर पर पहुंचकर तिरंगा लहराया और इतिहास रच दिया। वहीं इस खबर से सुंदरनगर के बेच्छना गांव और पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई है। सुंदरनगर के विधायक राकेश जम्वाल ने भी नायब सूबेदार भूपेंद्र सिंह को बधाई देते हुए कहा कि उन्होंने प्रदेश और देश का नाम रोशन किया है। उन्होंने इसे हिमाचल के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताया।
जिला पुलिस शिमला ने छोटा शिमला मंदिर में हुई दान पेटी चोरी के मामले का त्वरित खुलासा करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने चोरी हुई दान पेटी तथा नकद राशि भी बरामद कर ली है। इस सम्बन्ध में थाना पूर्व (PS East) में अभियोग संख्या 16/2026 दिनांक 23.02.2026 को धारा 303(2) भारतीय न्याय संहिता (पूर्व धारा 379 आईपीसी) के अंतर्गत मंदिर प्रबंधन की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया। सूचना मिलते ही थाना पूर्व शिमला की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए जांच शुरू की और संदिग्धों से पूछताछ की। तकनीकी साक्ष्यों व स्थानीय सूचना के आधार पर पुलिस ने जय प्रकाश (31 वर्ष) पुत्र जलम सिंह, निवासी गांव फागू, तहसील शिलाई, जिला सिरमौर को गिरफ्तार कर लिया। जांच के दौरान चोरी हुई दान पेटी गांव कुम्हाली (कुसुम्पटी वन क्षेत्र) के समीप से बरामद की गई। आरोपी के कब्जे से नकद राशि भी बरामद की गई है। पुलिस ने आरोपी को माननीय न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है तथा मामले की विस्तृत जांच जारी है। वहीं जिला पुलिस ने धार्मिक स्थलों के प्रबंधकों एवं श्रद्धालुओं से अपील की है कि दान पेटियों व अन्य मूल्यवान वस्तुओं की सुरक्षा के लिए पर्याप्त निगरानी, सीसीटीवी कैमरों की व्यवस्था तथा सतर्कता बनाए रखें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस थाने को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
सीएसआईआर-आईएचबीटी (CSIR-IHBT), पालमपुर के वैज्ञानिकों के दल ने 'सीएसआईआर स्मार्ट विलेज मिशन मोड प्रोजेक्ट' के तहत 8 से 10 फरवरी, 2026 तक केंद्रपाड़ा (ओडिशा) के कुसुनपुर गाँव का दौरा किया। यह पहल प्रधानमंत्री के "विकसित भारत" के दृष्टिकोण के अनुरूप है। इस दौरे के दौरान, टीम ने आजीविका के अवसरों को बेहतर बनाने और तकनीकी प्रसार की रणनीतिक संभावनाओं की पहचान करने के लिए ग्रामीणों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, ग्राम पंचायत अधिकारियों, 'नेचर्स क्लब' के सदस्यों, शिक्षकों और छात्रों के साथ व्यापक विचार-विमर्श किया। कार्यक्रम में सीएसआईआर-आईएचबीटी की परिवर्तनकारी प्रौद्योगिकियों पर तकनीकी व्याख्यान और प्रदर्शनी-सह-प्रदर्शन भी आयोजित किए गए। स्थानीय स्तर पर इन तकनीकों को बढ़ावा देने के लिए, टीम ने समुदाय को उच्च गुणवत्ता वाले फूलों के बीज और पोषण से भरपूर खाद्य उत्पाद वितरित किए। चर्चाओं से यह निष्कर्ष निकला कि व्यावसायिक पुष्पकृषि, शुष्क पुष्प तकनीक, मधुमक्खी पालन और स्थानीय जैव-संसाधनों का मूल्यवर्धन, ग्रामीण आजीविका को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। इसके अलावा, टीम ने महिलाओं और बच्चों में कुपोषण की समस्या से निपटने के लिए वैज्ञानिक हस्तक्षेपों पर भी चर्चा की। कार्यक्रम का समापन किसानों के लिए उठी हुई नर्सरी क्यारी तैयार करने के व्यावहारिक प्रदर्शन के साथ हुआ।
हिमाचल प्रदेश के सुजानपुर में 1 मार्च से 4 मार्च तक राष्ट्रीय स्तरीय होली उत्सव-2026 आयोजित होने जा रहा है। इस बार इस उत्सव में कई नई गतिविधियां शामिल की जा रही हैं। उत्सव को आकर्षक बनाने के लिए आयोजन समिति विशेष प्रयास कर रही है। वहीं उत्सव के उद्घाटन अवसर पर 1 मार्च की शाम को टीहरा के ऐतिहासिक किले से आकाशीय लालटेन उड़ाई जाएंगी। ये लालटेन उत्सव स्थल चौगान की ओर जाएंगी, जिससे सुजानपुर का आसमान रोशनी से जगमगा उठेगा। जिसकी जानकारी उपायुक्त एवं राष्ट्र स्तरीय होली उत्सव सुजानपुर-2026 की आयोजन समिति की अध्यक्ष गंधर्वा राठौड़ ने दी। इस दौरान ऐतिहासिक किले के परिसर में दीप भी प्रज्जवलित किए जाएंगे। यह उद्घाटन समारोह का एक प्रमुख आकर्षण होगा। उपायुक्त ने यह भी बताया कि 3 मार्च की शाम 6:30 बजे व्यास नदी के किनारे व्यास आरती का आयोजन किया जाएगा। इसमें बड़ी संख्या में लोगों के भाग लेने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि होली उत्सव को और अधिक आकर्षक बनाने के लिए कई अन्य गतिविधियों की रूपरेखा भी तैयार की जा रही है। इस होली मेले में प्रदेश के मुख्यमंत्री बतौर मुख्य अतिथि आते हैं। तथा क्षेत्र के विकास के लिए कई योजनाएं उनके द्वारा लाई जाती हैं। वहीं 10 मार्च को सुजानपुर में भव्य एयर शो आयोजित होगा, जिसके लिए रक्षा मंत्रालय से भी मंजूरी मिल चुकी है।
योगानंद स्कूल ऑफ एआई, कंप्यूटर्स एंड डेटा साइंसेज ने बाइटएक्सएल के सहयोग से "जनरेटिव एआई पर एक व्यावहारिक कार्यशाला: निर्माण, सृजन और स्वचालन" शीर्षक से एक आकर्षक और व्यावहारिक कार्यशाला का आयोजन किया। कार्यशाला का संचालन बाइटएक्सएल के डॉ. शमनेश शर्मा ने किया, जिन्होंने जनरेटिव एआई और स्वचालन के तेजी से विकसित हो रहे क्षेत्र पर एक ज्ञानवर्धक सत्र प्रस्तुत किया। उन्होंने छात्रों को चैटजीपीटी, गूगल जेमिनी, परप्लेक्सिटी, माइक्रोसॉफ्ट कोपायलट, नोटबुक एलएम, जैपियर और एन8एन सहित कई उन्नत एआई उपकरणों से परिचित कराया। लाइव प्रदर्शनों और व्यावहारिक अभ्यासों के माध्यम से, प्रतिभागियों ने विचारों को बुद्धिमान समाधानों में, संकेतों को उत्पादकता में और अवधारणाओं को स्वचालित कार्यप्रवाहों में परिवर्तित करना सीखा। इस सत्र में विभिन्न विषयों के छात्रों ने भाग लिया, जिससे यह अत्यधिक संवादात्मक और आकर्षक बन गया। प्रतिभागियों ने संकेत इंजीनियरिंग, एआई-संचालित अनुसंधान, सामग्री निर्माण और कार्यप्रवाह स्वचालन में व्यावहारिक अनुभव प्राप्त किया। इस कार्यशाला में जनरेटिव एआई के व्यापार, मीडिया, अनुसंधान और डेटा प्रबंधन में वास्तविक अनुप्रयोगों पर भी प्रकाश डाला गया। योगानंद स्कूल ऑफ एआई, कंप्यूटर्स एंड डेटा साइंसेज के प्रमुख डॉ. पंकज वैद्य ने कहा कि इस तरह की उद्योग-उन्मुख कार्यशालाएं अकादमिक शिक्षा और व्यावसायिक आवश्यकताओं के बीच की खाई को पाटने में सहायक होती हैं। इस कार्यक्रम ने छात्रों को उभरती प्रौद्योगिकियों से परिचित कराया और उन्हें कृत्रिम बुद्धिमत्ता के तेजी से बढ़ते क्षेत्र में करियर के अवसरों का पता लगाने के लिए तैयार किया।
देहरा क्षेत्र में उस समय नया विवाद खड़ा हो गया जब पुलिस अधीक्षक कार्यालय देहरा को अवैध खनन के संबंध में एक शिकायत भाजपा नेता डॉ. सुकृत सागर नाम से प्राप्त हुई। उक्त शिकायत के आधार पर मामले को आगे थाना हरिपुर को मार्क भी कर दिया गया। इसी प्रकार की एक शिकायत माइनिंग विभाग को भी भेजी गई, जिसे संबंधित अधिकारियों ने बिना सत्यापन के अग्रेषित कर दिया। मामले ने तब तूल पकड़ा जब डॉ. सुकृत सागर ने स्पष्ट किया कि उक्त शिकायतें उन्होंने नहीं भेजी हैं और इन पत्रों पर उनके हस्ताक्षर भी नहीं हैं। उन्होंने इसे उनके नाम का दुरुपयोग बताते हुए गंभीर आपत्ति जताई। डॉ. सुकृत सागर ने कहा कि यह उनकी राजनीतिक छवि को धूमिल करने की सुनियोजित साजिश है। उन्होंने कहा, “मेरे खिलाफ लगातार साजिशें रची जा रही हैं। उन्होंने आगे कहा कि इस प्रकार की घटनाएं राजनीति में गिरते स्तर को दर्शाती हैं, जहां जनसेवा और मुद्दों की बहस के बजाय व्यक्तिगत छवि को नुकसान पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं। मेरे नाम से झूठी शिकायतें भेजना एक धोखाधड़ीपूर्ण कृत्य है, जिसका उद्देश्य मेरी सामाजिक और राजनीतिक प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाना है। लेकिन मैं ऐसी साजिशों और रंजिशों से डरने वाला नहीं हूं।” डॉ. सुकृत सागर ने इस संबंध में थाना हरिपुर में औपचारिक शिकायत दर्ज करवाई है और अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों की पहचान करने और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की है।
जिला सोलन में उप-रोजगार कार्यालयों में आगामी 26 और 27 फरवरी, 2026 को कैंपस इंटरव्यू आयोजित किए जा रहे हैं। इस संबंध में जानकारी देते हुए जिला रोजगार अधिकारी जगदीश कुमार ने बताया कि 26 फरवरी को उप-रोजगार कार्यालय, मॉडल कैरियर सेंटर, बद्दी में 57 पदों के लिए और 27 फरवरी को उप-रोजगार कार्यालय, नालागढ़ में 86 पदों के लिए भर्ती कैंपस इंटरव्यू आयोजित किया जाएगा। जगदीश कुमार ने बताया कि 26 फरवरी को मैसर्ज़ हिम इंजीनियर इंडिया प्रा. लि., बद्दी के वेल्डर, प्रेस ऑपरेटर, ड्राइवर ट्रक के 17 पद तथा मैसर्ज़ अर्युदा ग्लोबल, चंडीगढ़ के ऑपरेटर, टेली कॉलर, कोऑर्डिनेटर और फील्ड इंजीनियर के 40 पदों के लिए इंटरव्यू आयोजित होंगे। वहीं 27 फरवरी को मैसर्ज़ पेंगुइन इलेक्ट्रॉनिक प्रा. लि., नालागढ़ द्वारा ट्रेनी के 80 पद और मैसर्ज़ कोमेड केमिकल, बद्दी द्वारा एग्जीक्यूटिव, हेल्पर व केमिस्ट के 6 पदों पर भर्ती के लिए इंटरव्यू होंगे। उन्होंने बताया कि इन पदों के लिए शैक्षणिक योग्यता 10वीं, 12वीं, आईटीआई, वेल्डर, बी.फार्मा, डी.फार्मा, बी.टेक इलेक्ट्रॉनिक्स तथा आयु 19 से 40 वर्ष के मध्य होनी चाहिए। इच्छुक उम्मीदवार विभागीय पोर्टल ई.ई.एम.आई.एस. पर पंजीकरण कर अपनी शैक्षणिक योग्यता के आधार पर आवेदन कर सकते हैं। जगदीश कुमार ने बताया कि उम्मीदवारों को सभी अनिवार्य प्रमाण पत्र और दस्तावेजों सहित प्रातः 10.30 बजे संबंधित उप-रोजगार कार्यालय में पहुंचना होगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कैंपस इंटरव्यू में भाग लेने के लिए कोई यात्रा भत्ता नहीं दिया जाएगा।
विदेश में बेहतर भविष्य का सपना दिखाकर ठगी करने के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। इसी कड़ी में शिमला पुलिस ने विदेश भेजने के नाम पर 25 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने के आरोप में एक महिला को गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार, आरोपी महिला ने शिमला की रहने वाली महिला से विदेश भेजने के लिए वीजा बनाने के नाम पर 25 लाख की धोखाधड़ी की थी। इसकी शिकायत शिमला पुलिस थाने में की गई थी। पीड़ित परिवार की शिकायत पर पुलिस थाना बालुगंज में मामला दर्ज किया गया। पुलिस अधीक्षक शिमला गौरव सिंह ने बताया कि इस संबंध में अभियोग संख्या 205/25 के तहत मामला पंजीकृत किया गया है। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि उसकी बहन भावना को कनाडा भेजने के नाम पर आरोपियों ने करीब ₹25,00,000 की धोखाधड़ी की। मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए शिमला पुलिस ने चंडीगढ़ के समीप खरड़ क्षेत्र में दबिश दी और आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है तथा यह भी पता लगाया जा रहा है कि कहीं अन्य लोग भी इस ठगी का शिकार तो नहीं हुए हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि विदेश भेजने के नाम पर किसी भी एजेंट को बड़ी रकम देने से पहले उसकी वैधता और दस्तावेजों की पूरी जांच-पड़ताल अवश्य करें।
युवा मोर्चा सुन्नी मंडल द्वारा आयोजित एंटी ड्रग्स क्रिकेट कप का समापन सुन्नी कॉलेज मैदान में सम्पन्न हुआ। प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य युवाओं को नशे से दूर रखकर खेलों की ओर प्रेरित करना रहा। समापन समारोह में प्रदेश कार्यालय सचिव, भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा, हिमाचल प्रदेश, कमलेश शर्मा बतौर विशेष अतिथि उपस्थित रहीं। उन्होंने कहा कि आज नशा युवाओं के भविष्य के सामने सबसे बड़ी चुनौती बनकर खड़ा है और इससे लड़ने के लिए समाज को मिलकर आगे आना होगा। उन्होंने युवाओं से नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाने, अपने साथियों को प्रेरित करने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का आह्वान किया। प्रतियोगिता में टीम थाथल अम्ब ने शानदार प्रदर्शन करते हुए खिताब अपने नाम किया और 1 लाख रुपये की पुरस्कार राशि प्राप्त की। वहीं फ्रेंड्स-11 दाढ़गी उपविजेता रही, जिसे 51 हजार रुपये का पुरस्कार प्रदान किया गया। समापन अवसर पर विजेता व उपविजेता टीमों को ट्रॉफी और नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में भाजपा जिला उपाध्यक्ष नारायण, सुन्नी मंडल की सचिव सुनीता शर्मा, महामंत्री यश शर्मा, उपाध्यक्ष साहिल वर्मा, युवा मोर्चा प्रदेश प्रवक्ता पारुल शर्मा सहित अन्य पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। आयोजकों ने भविष्य में भी नशे के खिलाफ ऐसे जागरूकता कार्यक्रम जारी रखने का संकल्प लिया और कहा कि खेलों के माध्यम से युवाओं को सकारात्मक दिशा दी जाएगी।
शिमला जिले के रामपुर बुशहर के धार गौरा ग्राम पंचायत क्षेत्र के डोईगाड़ में रविवार दिन में गोलीबारी की घटना सामने आई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, गोली चलाने वाला आरोपी फुंजा का निवासी बताया जा रहा है, जबकि पीड़ित की पहचान राजेश डोगरा निवासी फनोटी डोभी के रूप में हुई है। सूत्रों के मुताबिक, सुबह के समय दोनों के बीच पैसों के लेन-देन को लेकर कहासुनी हुई थी। पीड़ित राजेश डोगरा का आरोप है कि बहस के दौरान आरोपी सुरेश शर्मा ने उसे जान से मारने की धमकी दी थी। कुछ समय बाद जब उसने आरोपी को पिस्टल के साथ देखा तो वह डरकर मौके से भागने लगा। इसी दौरान आरोपी ने पीछे से फायरिंग कर दी। बताया जा रहा है कि गोली पीड़ित के सिर के पास से गुजरते हुए पास में खड़ी एक गाड़ी के शीशे से जा टकराई। गनीमत रही कि इस हमले में वह बच गया। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी सुरेश शर्मा को हिरासत में ले लिया। पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और गोली चलाने के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा रहा है।
कसौली चौक, धर्मपुर के समीप खड़ा किया गया एक टिप्पर चोरी होने के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 24 घंटे के भीतर वाहन बरामद कर लिया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, वाहन मालिक ने 21 फरवरी को अपना टिप्पर नंबर HP-64C-9622 कसौली चौक के पास खड़ा किया था। 22 फरवरी को जब उसका कंडक्टर उक्त स्थान पर पहुंचा तो टिप्पर वहां नहीं मिला। इसके बाद वाहन मालिक ने अपने स्तर पर आसपास के क्षेत्रों में तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं लगा। बताया गया है कि उक्त टिप्पर को दो महीने पहले ही खरीदा गया था। अज्ञात व्यक्ति द्वारा 21/22 फरवरी की रात को वाहन चोरी कर लिया गया। चोरी हुए टिप्पर की अनुमानित कीमत करीब 42 लाख रुपये बताई गई है। इस संबंध में पुलिस थाना धर्मपुर में मामला दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की और थाना स्तर पर एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने संभावित मार्गों, राष्ट्रीय राजमार्गों और विभिन्न टोल प्लाजा पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज का गहन विश्लेषण किया। तकनीकी जांच और साक्ष्यों के आधार पर पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिले। इसके बाद त्वरित कार्रवाई करते हुए 22-02-2026 को चोरी हुआ टिप्पर हरियाणा राज्य के जिला नूंह क्षेत्र से सफलतापूर्वक बरामद कर लिया गया। पुलिस ने बताया कि मामले में संलिप्त अज्ञात आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए प्रयास जारी हैं तथा मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
राजधानी शिमला में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को एक और सफलता मिली है। तारा देवी और शोधी के बीच एक बस में सवार युवक को 6.300 चिट्टे ग्राम (हेरोइन) के साथ गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार युवक की पहचान ममलिंग क्षेत्र निवासी सुभाष चंद के रूप में हुई है। पुलिस ने नियमित चेकिंग के दौरान बस को रोका और संदेह के आधार पर तलाशी ली, जिसमें युवक के कब्जे से उक्त मात्रा में नशीला पदार्थ बरामद हुआ। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि नशा कहां से लाया गया था और इसे किसे सप्लाई किया जाना था। मामले में आगे की जांच जारी है।
डाडा सीबा क्षेत्र के अंतर्गत आरा चौक स्थित खतरनाक यू-टर्न मोड़ पर रविवार सुबह एक बड़ा सड़क हादसा होते-होते टल गया। सुबह करीब 6:30 बजे के करीब संसारपुर टैरस से बाया जौड़बड होते हुए हमीरपुर की ओर जा रही बेकरी के सामान से लदी एक पिकअप गाड़ी मोड़ पर अनियंत्रित हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जैसे ही पिकअप आरा चौक के तीखे मोड़ पर पहुंची, चालक ने ब्रेक लगाने का प्रयास किया, लेकिन ब्रेक सही तरीके से काम न करने के कारण वाहन मोड़ नहीं काट सका और सड़क से नीचे उतराई वाले कच्चे रास्ते की ओर चला गया। गाड़ी पास के मकानों के नजदीक पत्थरों से टकराकर रुक गई। गनीमत यह रही कि उस समय सामने से कोई अन्य वाहन नहीं आ रहा था, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था। चालक ने बताया कि अचानक ब्रेक कम लगने के कारण वाहन अनियंत्रित हो गया। इस घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है, हालांकि वाहन को आंशिक क्षति पहुंची है। स्थानीय निवासियों ने बताया कि आरा चौक का यह यू-टर्न पहले भी कई दुर्घटनाओं का कारण बन चुका है। लोगों ने लोक निर्माण विभाग से मांग की है कि इस खतरनाक मोड़ पर चेतावनी संकेतक बोर्ड, स्पीड ब्रेकर और क्रैश बैरियर लगाए जाएं, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से शीघ्र प्रभावी कदम उठाने की अपील की है।
शिमला के कुमारसेन थाना के अंतर्गत पुलिस ने नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो लोगों को चरस की खेप के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस ने जोगशा के पास नेशनल हाईवे-05 पर नाकेबंदी के दौरान आरोपियों के कब्जे से 91.10 ग्राम चरस बरामद की है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, कुमारसैन थाने की टीम, जिसमें महिला मुख्य आरक्षी सविता भी शामिल थीं, एनएच-05 पर नियमित गश्त और वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान पुलिस ने शक के आधार पर एक ऑल्टो कार को रुकवाया। वाहन की गहन तलाशी लेने पर पुलिस को 91.10 ग्राम चरस बरामद हुई। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान अमित कुमार (22) पुत्र निवासी गांव माहोली, डाकघर तेशन, तहसील कुमारसेन तथा राजेश (42) निवासी गांव डमाड़ी, डाकघर व तहसील कुमारसेन, के रूप में हुई है। पुलिस ने मादक पदार्थ अधिनियम (NDPS Act) के तहत मामला दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
मानसिक रूप से अस्वस्थ महिला को शिमला पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर सुरक्षित खोजकर मशोबरा नारी निकेतन में सुरक्षित पहुंचाया। दरअसल 21 फरवरी को शाम के समय सखी वन स्टॉप सेंटर मशोबरा द्वारा पुलिस चौकी मशोबरा को सूचना दी गई कि शैल्टर केस की एक महिला (उम्र लगभग 48 वर्ष), जो मानसिक रूप से अस्वस्थ है, नंगे पांव सेंटर से बाहर निकलकर बालिका आश्रम की ओर जंगल में चली गई है। सूचना प्राप्त होते ही पुलिस चौकी मशोबरा की टीम तुरंत मौके पर रवाना हुई तथा सखी वन स्टॉप सेंटर के स्टाफ के साथ मिलकर आसपास के जंगल व क्षेत्र में व्यापक तलाश अभियान चलाया गया। स्थानीय लोगों से भी संपर्क कर खोजबीन की गई। थोड़े समय बाद पुलिस टीम को उक्त महिला बालिका आश्रम के नीचे जंगल क्षेत्र में नंगे पांव मिली, जिसकी पहचान सखी वन स्टॉप सेंटर की कर्मचारीयों द्वारा की गई। पुलिस टीम द्वारा महिला को सुरक्षित वापस सखी वन स्टॉप सेंटर लाया गया। आवश्यक प्रक्रिया पूर्ण करने के उपरांत महिला को सुरक्षित रूप से नारी निकेतन मशोबरा में पहुंचाया गया है।
लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में सोसाइटी ऑफ फार्मास्यूटिकल एजुकेशन & रिसर्च द्वारा आयोजित 15वें वार्षिक अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन एवं प्रदर्शनी में लॉरेट इंस्टिट्यूट ऑफ फार्मेसी के छात्र ने शानदार सफलता हासिल की। सम्मेलन के मुख्य अतिथि के रूप में डॉ. मोनिका गुलाटी डॉ. जी डी. गुप्ता तथा डॉ. उपेंद्र नगीच उपस्थित रहे। इस सम्मेलन में पोस्टर प्रेजेंटेशन प्रतियोगिता में कुल 138 प्रतिभागियों ने भाग लिया। लॉरेट इंस्टिट्यूट ऑफ फार्मेसी के एम. फार्मेसी (फार्मास्यूटिक्स) के छात्र अभिषेक शर्मा ने अपने उत्कृष्ट शोध कार्य के माध्यम से पोस्टर प्रेजेंटेशन में द्वितीय स्थान प्राप्त कर संस्थान का नाम रोशन किया। इस उपलब्धि पर संस्थान के प्रबंधक एवं निदेशक डॉ. रण सिंह तथा प्राचार्य एवं निदेशक डॉ. एम. एस. अशावत ने छात्र को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। फार्मास्यूटिक्स विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. विनय पंडित ने भी अभिषेक शर्मा को उनकी सफलता पर शुभकामनाएँ देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इसके अतिरिक्त, संस्थान से एम. फार्मेसी के 25 तथा फार्म.डी. के 30 विद्यार्थियों ने भी इस अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन में सक्रिय रूप से भाग लिया और अपने शोध कार्य प्रस्तुत किए। डॉ तरुण डॉ स्वाति सहायक प्रोफेसर केशव भी इस कांफ्रेंस मैं मौजूद रहे।
नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए जिला पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। PIT NDPS Act के तहत जिला पुलिस ने 25 दिनों में 18 आदतन संगठित नशा तस्करों को डिटेंशन आदेश के आधार पर हिरासत में लेकर 3 माह के लिए जेल भेजा है। इस पर कार्रवाई करते हुए पुलिस थाना जुब्बल की टीम ने 21 फरवरी 2026 को सुरेश कुमार उर्फ पप्पू, पुत्र प्रताप सिंह, निवासी गाँव शैलापानी (बढ़ाल), डाकघर दोची, तहसील जुब्बल को हिरासत में लिया गया। जिसके खिलाफ NDPS एक्ट में चिट्टा बरामदगी के 2 मामले दर्ज थे। वहीं दूसरा व्यक्ति रजत औक्टा उर्फ बन्नी, निवासी गाँव गुन्ट्र, पुराना जुब्बल, जिला शिमला जिसके खिलाफ भी NDPS एक्ट के तहत चिट्टा बरामदगी के तीन मामले दर्ज है। जिला पुलिस द्वारा उपरोक्त दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर नजरबंदी हेतु कंडा जेल भेजा गया है। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य मादक पदार्थों के अवैध व्यापार की आपूर्ति श्रृंखला को विखंडित करना, संगठित तस्करी नेटवर्क को कमजोर करना तथा संबंधित व्यक्तियों को भविष्य में अवैध गतिविधियों में शामिल होने से रोकना है, ताकि समाज को नशे के दुष्प्रभावों से बचाया जा सके और सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
जिला पुलिस शिमला ने नशा तस्करी पर लगाम लगाने के लिए बड़ी कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को PIT NDPS अधिनियम के तहत प्रिवेंटिव डिटेंशन (निवारक नजरबंदी) में लिया है। पुलिस का कहना है कि यह कदम समाज को नशे के दुष्प्रभाव से बचाने और भविष्य में अपराध रोकने के उद्देश्य से उठाया गया है। यह कार्रवाई (PIT NDPS) के प्रावधानों के तहत की गई है। पहला आरोपी मनोज उर्फ मन्ना, निवासी ग्राम कार्याली, डाकघर मलूथी, जिला शिमला के खिलाफ पुलिस थाना रामपुर में FIR संख्या 131/2023 और 30/2025 दर्ज हैं। पुलिस जांच और तकनीकी साक्ष्यों से सामने आया है कि वह एक संगठित ड्रग नेटवर्क का मुख्य संचालक है और पर्दे के पीछे से पूरे गिरोह को संचालित करता था। दूसरा आरोपी अंकित ठाकुर, निवासी ग्राम नीरथ, तहसील रामपुर, जिला शिमला के खिलाफ भी पुलिस थाना रामपुर में 47.74 ग्राम और 30.88 ग्राम चिट्टा बरामद होने के मामले दर्ज हैं। खुफिया सूचनाओं के आधार पर उसे भी गिरफ्तार किया गया है। तीसरा आरोपी गोविन्द सिंह को तीन मामलों में गिरफ्तार किया जा चुका है। उसके खिलाफ कुमारसेन और रामपुर थानों में दर्ज मामलों में कुल मिलाकर 6.30 ग्राम, 87.87 ग्राम और 6.13 ग्राम हेरोइन/चिट्टा बरामद किया गया था। वहीं चौथा आरोपी लोकिंदर कंवर को दो मामलों में गिरफ्तार किया गया था। कोटखाई थाना में दर्ज मामलों में उससे 52.75 ग्राम चरस, 3.17 ग्राम और 30.640 ग्राम हेरोइन/चिट्टा बरामद किया गया था। पुलिस के अनुसार इन आरोपियों को निवारक नजरबंद करने का उद्देश्य नशा तस्करी के नेटवर्क को तोड़ना और भविष्य में ऐसी गतिविधियों को रोकना है। जिला पुलिस शिमला ने स्पष्ट किया है कि नशा तस्करी के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति जारी रहेगी और युवाओं की सुरक्षा के लिए सख्त कार्रवाई आगे भी की जाएगी।
धर्मशाला के दाडी फीडर में 21 फरवरी को बिजली आपूर्ति बंद रहेगी। यह जानकारी विद्युत उपमंडल नंबर-2 के सहायक अभियंता रमेश चंद ने दी है उन्होंने बताया कि विद्युत लाइनों के सामान्य रखरखाव कार्य के चलते 11 केवी दरी फीडर से जुड़े क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति अस्थायी रूप से बाधित रहेगी। उन्होंने बताया कि पासू, भाटेड़, पंतेहड़, शीला चौक, शीला तथा आसपास के क्षेत्रों में प्रातः 10 बजे से सायं 5 बजे तक अथवा कार्य पूर्ण होने तक बिजली आपूर्ति बंद रहेगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि मौसम खराब रहता है तो निर्धारित शटडाउन अगले दिन किया जाएगा। सहायक अभियंता ने आम जनता से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि रखरखाव कार्य सुचारु रूप से संपन्न करने के लिए उपभोक्ता निर्धारित समय के दौरान आवश्यक प्रबंध कर लें।
जिला कुल्लू के अंतर्गत पुलिस थाना भून्तर की टीम ने नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 40 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद किया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार 19 फ़रवरी को पुलिस थाना भून्तर की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर बड़ा भूईन स्थित एक रिहायशी मकान में दबिश दी। दबिश के दौरान कमरे में रह रहे किरायेदार अर्जन मसीह (21 वर्ष) पुत्र काला मसीह, निवासी वार्ड नं. 1 फॉरेस्ट चौक शमशी, डाकघर शमशी, तहसील भून्तर, जिला कुल्लू के कब्जे से 40 ग्राम चिट्टा/हेरोइन, ₹4,500 नकद, एक इलेक्ट्रॉनिक वेटिंग मशीन तथा एक लाईटर बरामद किया गया। बरामदगी के संबंध में आरोपी के विरुद्ध पुलिस थाना भून्तर में मादक पदार्थ अधिनियम की धारा 21 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस द्वारा मादक पदार्थ की खरीद-फरोख्त, आपूर्ति स्रोत और संभावित नेटवर्क के संबंध में गहन जांच की जा रही है। मामले में आगामी कार्रवाई जारी है।
बी. एल. सेंट्रल पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल कुनिहार में बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी कर रहे दसवीं एवं बारहवीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए परीक्षा पर चर्चा विषय पर एक अत्यंत प्रेरणादायक, मार्गदर्शक एवं विचारोत्तेजक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता विद्यालय अध्यक्ष गोपाल शर्मा ने की। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को परीक्षा के तनाव से मुक्त रखते हुए उन्हें आत्मविश्वास के साथ सफलता की ओर अग्रसर करना रहा। अपने प्रेरक संबोधन में अध्यक्ष महोदय ने विद्यार्थियों से कहा कि परीक्षा किसी भी छात्र के ज्ञान, अनुशासन और धैर्य की वास्तविक परीक्षा होती है, जिसे भय नहीं बल्कि अवसर के रूप में स्वीकार करना चाहिए। उन्होंने समय प्रबंधन को सफलता की कुंजी बताते हुए नियमित अध्ययन और योजनाबद्ध तैयारी पर विशेष बल दिया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को स्मार्ट अध्ययन तकनीकों, प्रभावी संशोधन रणनीतियों, तथा पाठ्यक्रम को सरल एवं व्यवस्थित ढंग से तैयार करने के व्यावहारिक तरीकों की जानकारी दी गई। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि “स्वास्थ्य ही धन है”, अतः परीक्षा के समय पर्याप्त नींद, संतुलित आहार और सकारात्मक दिनचर्या अत्यंत आवश्यक है। विद्यार्थियों को परीक्षा हॉल में पालन किए जाने वाले दिशानिर्देशों, अनावश्यक तुलना से बचने, तथा डिजिटल उपकरणों के सीमित एवं अनुशासित उपयोग के महत्व के बारे में भी जागरूक किया गया। कार्यक्रम में यह भी रेखांकित किया गया कि बच्चों के सर्वांगीण विकास और परीक्षा में सफलता हेतु माता-पिता और शिक्षकों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। इसके अतिरिक्त, बच्चों को आत्मविश्वास बनाए रखने, सकारात्मक सोच विकसित करने, तथा तनाव-मुक्त रहकर परीक्षा देने के प्रभावी उपायों पर भी विस्तृत चर्चा की गई। कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों ने इस आयोजन को अत्यंत उपयोगी और प्रेरणास्पद बताते हुए विद्यालय प्रबंधन का आभार व्यक्त किया। विद्यालय प्रबंधन ने विश्वास व्यक्त किया कि इस प्रकार के मार्गदर्शक कार्यक्रम विद्यार्थियों के भीतर आत्मबल, अनुशासन और सफलता की दृढ़ इच्छा शक्ति को विकसित करते हैं, जिससे वे न केवल परीक्षा में बल्कि जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकें।
जिला रोजगार अधिकारी किन्नौर सुरेंद्र सिंह बिष्ट ने जानकारी दी कि जिला किन्नौर में एसआईएस इंडिया लिमिटेड, आरटीए बिलासपुर द्वारा सुरक्षा गार्ड व सुरक्षा पर्यवेक्षक के लिए 120 पद निकाले गए हैं, जिसके लिए जिला रोजगार कार्यालय किन्नौर कैंपस साक्षात्कार करवा रहा है। उन्होंने बताया कि पर्यवेक्षकों का वेतन 17,500 से 23 हजार रुपए प्रतिमाह होगा। इन पदों के लिए शैक्षणिक योग्यता दसवीं पास, आयु वर्ग 19 से 40 वर्ष, अभ्यर्थी की लम्बाई 168 सेंटीमीटर से ऊपर तथा वजन 54 किलोग्राम से अधिक होना अनिवार्य है। उन्होंने यह भी बताया कि इच्छुक उम्मीदवार जो इस पद से सम्बन्धित योग्यता रखते हो, वह अपने सभी अनिवार्य दस्तावेजों व बायो-डाटा सहित 26 फरवरी, 2026 को रोजगार कार्यालय रिकांग पिओ, 27 फरवरी, 2026 को उप रोजगार कार्यालय पूह व 28 फरवरी, 2026 को उप रोजगार कार्यालय भावानगर में प्रातः 11ः00 बजे पहुंचना सुनिश्चित करें। इसके अलावा चयनित होने वाले अभ्यर्थियों को एक माह की ट्रेनिंग के दौरान किट आइटम के लिए 13,500 व 350 रुपए पंजीकरण की फीस रहेगी।
कांग्रेस शासित शिमला नगर निगम शुक्रवार को अपना बजट पेश कर रहा है। महापौर सुरेंद्र अपना तीसरा बजट पेश करने के लिए बचत भवन पहुंचे और जैसे ही बजट पेश करने लगे तो भाजपा पार्षदों ने सदन के अंदर हंगामा शुरू कर दिया और नारेबाजी करने लगे। भाजपा पार्षद परशुराम ने आरोप लगाया कि महापौर का कार्यकाल खत्म हो गया है और अभी यह सीट खाली है ढाई साल के लिए ही महापौर बनाया था और उनकी जगह किसी महिला को महापौर बनाया जाना था। लेकिन सरकार ने 5 साल के लिए कार्यकाल कर दिया है और इसकी अभी तक राज्यपाल से भी मंजूरी नहीं मिली है ऐसे में महापौर बजट पेश नहीं कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि यह मामला भी हाईकोर्ट में विचाराधीन है। उन्हें नैतिकता के आधार पर अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। भाजपा पार्षद सरोज ठाकुर ने कहा कि ढाई साल का कार्यकाल पूरा होने के बाद अब महापौर के पद पर महिला काबिज होनी थी। लेकिन सरकार ने 5 साल का कार्यकाल कर दिया है जोकि महिलाओ के साथ अन्याय है। साथ ही राज्यपाल से भी अभी कार्यकाल बढ़ाने को लेकर मंजूरी नहीं मिली है। महापौर सुरेंद्र चौहान बजट पेश नहीं कर सकते हैं। यह संविधान के खिलाफ है। भाजपा इसका विरोध करती है उन्होंने कहा कि दो बार पहले जो बजट पेश किया गया है उसमें जो वादे किए थे वह भी अभी तक पूरे नहीं किए गए हैं ऐसे में झूठे वादे बजट में इस बार भी किए गए हैं इसका विरोध करते हैं।
छात्र राजनीति से अपनी अलग पहचान बनाने वाले शुभम वर्मा को NSUI संगठन का प्रदेश उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। जमीनी स्तर से कार्य करते हुए उन्होंने छात्र हितों और युवाओं के मुद्दों को प्रमुखता से उठाया है। पूर्व में शिमला जिला अध्यक्ष और प्रदेश महासचिव जैसे अहम पदों की जिम्मेदारी संभाल चुके शुभम वर्मा को आम छात्रों के बीच काफी लोकप्रिय माना जाता है। उनकी सक्रियता और संगठन के प्रति समर्पण को देखते हुए उन्हें यह नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। NSUI प्रदेश उपाध्यक्ष बनने के बाद आज शुभम वर्मा ने प्रदेश सरकार में मंत्री विक्रमादित्य सिंह से मुलाकात की। इस दौरान युवाओं की भागीदारी, संगठन की आगामी रणनीति और प्रदेश के विकास से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। मुलाकात के दौरान विक्रमादित्य सिंह ने शुभम वर्मा को नई जिम्मेदारी के लिए बधाई दी और आशा जताई कि वे संगठन को और अधिक मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएंगे। वहीं शुभम वर्मा ने कहा कि वे युवाओं की आवाज को मजबूती से सरकार और संगठन तक पहुंचाने का कार्य करेंगे। प्रदेश राजनीति में शुभम वर्मा की यह नई भूमिका युवा नेतृत्व के सशक्तिकरण के रूप में देखी जा रही है।
केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के अंतर्गत केंद्रीय संचार ब्यूरो (सीबीसी), शिमला की ओर से पीएम जवाहर नवोदय विद्यालय, कुनिहार में वीरवार को दो दिवसीय विकसित भारत चित्र प्रदर्शनी एवं जन सूचना अभियान का शुभारंभ हुआ। प्रदर्शनी में विद्यार्थियों और युवाओं को देश की वैज्ञानिक, सामरिक और विकासात्मक उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रदर्शनी में भारत के अंतरिक्ष अभियान की ऐतिहासिक सफलता चंद्रयान 3 से लेकर सैन्य कार्रवाई ऑपरेशन सिंदूर तक की उपलब्धियों को आकर्षक चित्रों और विवरणों के माध्यम से प्रस्तुत किया गया। साथ ही सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल ब्रह्मोस की मारक क्षमता और तकनीकी विशेषताओं की जानकारी भी विद्यार्थियों को दी गई। प्रदर्शनी में हिमाचल प्रदेश की तीन रामसर साइट रेणुका झील, चंद्र ताल व पौंग डैम को भी प्रमुखता से दर्शाया गया। इसके अलावा ऐम्स बिलासपुर, आई आईटी मंडी सहित प्रदेश में विकसित हो रहे राष्ट्रीय राजमार्गों और केंद्र सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के प्राचार्य कृष्ण कुमार यादव ने किया। उन्होंने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में युवाओं और विद्यार्थियों की भूमिका अहम है। इस तरह के आयोजन युवाओं को देश की उपलब्धियों से परिचित कराने के साथ-साथ उन्हें राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरित करते हैं। कार्यक्रम की अध्यक्षता पत्र सूचना कार्यालय शिमला के सहायक निदेशक संजीव कुमार शर्मा ने की। उन्होंने बताया कि अभियान का उद्देश्य आमजन विशेषकर युवाओं को केंद्र सरकार की योजनाओं और भारत की उपलब्धियों के प्रति जागरूक करना है। कार्यक्रम की शुरुआत जन जागरूकता रैली से हुई, जिसमें 100 से अधिक विद्यार्थियों ने भाग लिया। विद्यार्थियों ने विकसित भारत 2047 और स्वच्छता अभियान के संदेश के साथ लोगों को जागरूक किया। इसके बाद चित्रकला और नारा लेखन प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। विद्यालय की उप प्राचार्य अनिता कंवर ने आभार व्यक्त किया। दूसरे दिन विकसित भारत विषय पर प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।


















































