हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय ने 97 न्यायिक अधिकारियों के स्थानांतरण आदेश जारी किए हैं। जिला एवं सत्र न्यायाधीशों में अरविंद मल्होत्रा को पीठासीन अधिकारी श्रम न्यायालय कांगड़ा, जेके शर्मा को हमीरपुर, राकेश कैंथला को मंडी, वीरेंद्र शर्मा को सोलन, आरके शर्मा को मंडी से स्थानांतरित कर निदेशक एचपी न्यायिक अकादमी के पद पर भेजा गया है। इसी तरह आरके चौधरी को सिरमौर, भूपेश शर्मा को ऊना, डीआर ठाकुर को डी एंड एसजे (एफ), शिमला, देवेंद्र कुमार को बिलासपुर, योगेश जसवाल को कांगड़ा, आरके तोमर को पीठासीन अधिकारी श्रम न्यायालय शिमला और शरद कुमार लगवाल को चंबा लगाया गया है। हंसराज को नालागढ़, प्रीति ठाकुर को धर्मशाला, बरिंदर ठाकुर को किन्नौर स्थित रामपुर लगाया गया है। फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो धर्मशाला के पीठासीन अधिकारी कृष्ण कुमार को अतिरिक्त जिला और सत्र न्यायाधीश ऊना, जिया लाल आजाद को सरकाघाट लगाया गया है। फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो मंडी के पीठासीन अधिकारी अपर्णा शर्मा को अतिरिक्त जिला और सत्र न्यायाधीश शिमला लगाया है। अनुजा सूद को सुंदरनगर, फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो सोलन की पीठासीन अधिकारी परवीन चौहान को स्पेशल जज सीबीआई शिमला, प्रकाश राणा को चंबा से फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो धर्मशाला के पीठासीन अधिकारी, मंडी पंकज शर्मा को फास्ट ट्रैक कोर्ट पोक्सो मंडी, हिमाचल प्रदेश न्यायिक अकादमी की निदेशक अबीरा बासु को सीजेएम सिरमौर, मुख्य न्यायिक दंड अधिकारियों में सचिन रघु को चंबा, प्रशासनिक अधिकारी विधिक सेवा प्राधिकरण गौरव महाजन बिलासपुर, अभय मंडयाल को किन्नौर, प्रताप ठाकुर को शिमला, अरविंद कुमार को चंबा, परविंदर सिंह अरोरा को न्यायिक अकादमी में उप निदेशक के पद पर शिमला, हितेंद्र शर्मा को प्रशासनिक अधिकारी विधिक सेवा प्राधिकरण शिमला, होशियार सिंह वर्मा को लाहौल-स्पीति लगाया गया है। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी शीतल शर्मा को घुमारवीं, बसंत लाल वर्मा को कांगड़ा, अनिल कुमार को शिमला, गुरमीत कौर को ठियोग, अमित मंडयाल को सरकाघाट, मोहित बंसल को नालागढ़, नितिन मित्तल को हमीरपुर, नेहा दहिया को देहरा, संदीप सिंह सिहाग को ऊना, दिव्य ज्योति पटियाल को मंडी, निखिल अग्रवाल को शिमला लगाया गया है। वहीं, अक्षि शर्मा को सुंदरनगर, असलम बेग को नूरपुर, मनीषा गोयल को रोहड़ू, विवेक शर्मा को अंब और उपासना शर्मा को पौंटा साहिब तैनाती दी गयी है। एसीजेएम हकीकत ढांडा को सीपीसी हाईकोर्ट लगाया गया है।
राजधानी शिमला में मुख्यमंत्री आवास ओक ओवर परिसर का डंगा ढहने के कारण साथ लगते तीन भवनों को खतरा पैदा हो गया है। प्रशासन ने भवनों को एहतियात के तौर पर खाली करवा दिया गया है। इसमें रह रहे 6 परिवारों के 30 लोगों को प्रशासन ने पीटरहॉफ के सर्किट हाउस में शिफ्ट कर दिया है। एसडीएम शहरी मनजीत शर्मा ने खुद मौके पर जाकर प्रभावितों को भवन से सुरक्षित बाहर निकाला और रेस्क्यू किया। उन्होंने बताया कि ओकओवर में डंगा लगाने के कार्यों के चलते मिट्टी गिरने की संभावना के मद्देनजर भवनों को लोगों की सुरक्षा की दृष्टि से खाली कराया गया है। उन्होंने बताया कि जानमाल का कोई नुकसान नहीं हुआ है। सुबह 4:30 बजे के आसपास डंगा डह गया था। ऐसे में प्रशासन ने भवनों में रह रहे करीब 30 लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया है। फिलहाल लोक निर्माण विभाग के कर्मचारी मशीनरी समेत डंगा लगाने के कार्य में जुटे हैं।
स्वास्थ्य विभाग के प्रवक्ता ने बुधवार को कहा कि कोविड-19 टीकाकरण करवा कर ही कोरोना महामारी से बचा जा सकता है। उन्होंने कहा कि पिछले एक सप्ताह यानि (19 जुलाई से 25 जुलाई, 2021) के विभिन्न कोविड पॉजिटिव मामलों पर किए गए एक अध्ययन में सामने आया है कि जिन लोगों का कोविड-19 टीकाकरण हुआ है वे कम मात्रा में है और जिन लोगों ने अपना टीकाकरण नहीं करवाया है वे ज्यादा मात्रा में संक्रमित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि 19 जुलाई से 25 जुलाई, 2021 तक राज्य में कुल 670 लोग कोविड पॉजिटिव पाए गए, जिनमें से 457 लोगों का कोविड-19 के खिलाफ टीकाकरण नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि कोविड पॉजिटिव पाए गए लोगों में 138 लोगों ने कोविड वैक्सीन की पहली खुराक और 63 लोगों ने वैक्सीन की दोनों खुराकें ली थीं। प्रवक्ता ने कहा कि इसी अवधि के दौरान जिला बिलासपुर में कुल 40 पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 15 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 11 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 13 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी, जिला चंबा में कुल 175 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 131 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 37 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 7 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी, हमीरपुर में कुल 28 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 15 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 9 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 4 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी। जिला कांगड़ा में कुल 86 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 62 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 15 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 21 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी, किन्नौर में कुल 14 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 5 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 7 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व एक व्यक्ति को कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक लगी थी। जिला कुल्लू में कुल 33 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 25 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 7 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व एक व्यक्ति को कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक लगी थी। लाहौल स्पीति में कुल 7 लोग पॉजिटिव पाए गए जिनमें किसी भी व्यक्ति ने कोविड वैक्सीन नहीं लगवाई थी। जिला मंडी में कुल 153 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 106 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 31 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 16 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक, शिमला में कुल 92 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 72 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 13 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 7 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक, सिरमौर में कुल 4 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 2 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 2 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक, सोलन में कुल 13 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 7 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि एक व्यक्ति को वैक्सीन की पहली खुराक व 2 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक और जिला ऊना में कुल 25 लोग पॉजिटिव पाए गए, जिनमें 10 लोगों का टीकाकरण नहीं हुआ था जबकि 5 लोगों ने वैक्सीन की पहली खुराक व 3 लोगों ने कोविड वैक्सीन की दूसरी खुराक ली थी। उन्होंने कहा कि 12 लोग ऐसे पॉजिटिव पाए गए हैं, जिनका वैक्सिनेशन संबंधी कोई रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं है। उन्होंने कहा कि राज्य में कोविड-19 महामारी का प्रभाव कम हुआ है लेकिन यह महामारी अभी खत्म नहीं हुई है, इसलिए अभी भी इससे सतर्क रहने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 महामारी की संभावित तीसरी लहर से बचाव के दृष्टिगत कोविड अनुरूप व्यवहार जैसे परस्पर दूरी बनाए रखना, साबुन-पानी से हाथ धोना या सैनिटाईजर से हाथ साफ करना और मास्क का उपयोग करना आदि नियमों का कड़ाई से पालन करना सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
शिमला : क्षय रोग मुक्त हिमाचल अभियान की सफलता के लिए सभी संबंध विभाग समन्वय स्थापित कर सक्रियता से कार्य करें ताकि जिला शिमला में क्षय रोग के मामलों को पूर्ण रूप से खत्म किया जा सके। यह बात उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने इस अभियान को सुचारू रूप से चलाए जाने के लिए की जाने वाली तैयारियों के संबंध में बुलाई गई बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही। उन्होंने बताया कि क्षय रोग सक्रिय मामलों का पता लगाने के लिए क्षयमुक्त हिमाचल अभियान आगामी 1 अगस्त से 31 अगस्त, 2021 तक चलेगा। उन्होंने कहा कि अभियान के तहत जिला में घर-घर जाकर लोगों की क्षय रोग परीक्षण व जांच की जाएगी। उन्होंने कहा कि यह अभियान पूरे देश में चलेगा। अभियान के तहत प्रत्येक व्यक्ति के थूक की जांच की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस अभियान के तहत जिला में कार्यदलों की नियुक्ति कर इसे व्यापकता प्रदान की जाए ताकि प्रत्येक व्यक्ति को इसका लाभ मिल सके। उन्होंने प्रत्येक स्तर पर टीम का गठन कर कार्य करने को कहा, जिसमें आशा एवं आंगनबाड़ी वर्कर, आयुर्वेद, फार्मासिस्ट तथा अन्य स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी व कर्मचारी शामिल होंगे। उन्होंने अधिकारियों को इस अभियान के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार की आवश्यकता पर बल दिया। उपायुक्त ने लोगों से अपील की है कि खांसी, बुखार यदि दो हफ्ते से अधिक रह रहा हो अथवा वज़न घट रहा हो या रात में पसीने आ रहे हो, ऐसे लक्षण वाले लोग अपने थूक की जांच अवश्य करवाएं। जिला क्षय रोग अधिकारी डाॅॅ. राकेश भारद्वाज ने कहा कि शोध में पाया गया है कि कोविड से ग्रसित रोगी के ठीक होने के बाद भी यदि खांसी, बुखार के लक्षण रहते हो तो टीवी की जांच अवश्य करवाएं। यह संभावना हो सकती है कि व्यक्ति में टीवी के लक्षण हो। 10 में से एक व्यक्ति क्षय रोग से ऐसे में ग्रसित पाया गया है। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. सुरेखा चैपड़ा, स्वास्थ्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. हरि राम, जिला आयुर्वेद चिकित्सा अधिकारी डाॅ. पवन जैरथ, जिला कार्यक्रम अधिकारी वंदना चैहान, एकीकृत बाल विकास अधिकारी ममता पाॅल तथा जिला कार्यक्रम समन्वयक तनुजा भी उपस्थित थी।
शिमला :कोरोना की संभावित तीसरी लहर के दृष्टिगत जिला शिमला के विभिन्न क्षेत्रों में समर्पित कोविड स्वास्थ्य केन्द्रों में की गई तैयारियों की समीक्षा बैठक आज उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। उन्होंने सभी अधिकारियों से अपने क्षेत्र में इन तैयारियों के तहत किए जाने वाले कार्यों को सक्रियता के साथ पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां-जहां ऑक्सीजन प्लांट स्थापित किए जाने है अथवा ऑक्सीजन उपलब्धता से संबंधित किए जाने वाले कार्यों को बिना समय गवाएं जल्द पूरा करें। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि छोटे-छोटे मसलों को अपने स्तर पर हल कर कार्यों को गति प्रदान करें। उन्होंने उपमण्डल स्तर पर उमपण्डलाधिकारियों को इस संबंध में निरीक्षण व निगरानी के आदेश दिए। उन्होंने लोक निर्माण विभाग तथा केन्द्रीय लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को विभिन्न केन्द्रों में लगने वाले ऑक्सीजन प्लांटों के कार्यों को अभिलंब पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने शिमला नगर के अस्पतालों के चिकित्सा अधीक्षकों को इन कार्यों में व्यक्तिगत रूचि लेकर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह कार्य शीघ्र अति शीघ्र किए जाने आवश्यक है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में यदि सरकार के स्तर पर कोई कार्य किया जाना है उस संबंध में जल्द सूचित करें ताकि कार्यों में किसी प्रकार का व्यवधान् उत्पन्न न हो और संभावित तीसरी लहर देखते हुए हम तैयारियों की पूर्ति के लिए सक्षम हो सके। बैठक में समस्त उपमण्डलाधिकारी, आईजीएमसी के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. जनक राज, चिकित्सा अधीक्षक कमला नेहरू अस्पताल डाॅ. अंबिका , लोक निर्माण विभाग तथा केन्द्रीय लोक निर्माण विभाग के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
किन्नौर : कैच दी रैन अभियान को सफल बनाने के लिए जन सहभागिता जरूरी है। उपायुक्त किन्नौर आबिद हुसैन सादिक ने आज जल शक्ति विभाग के ”कैच दी रैन“ अभियान की जिला स्तरीय समीति की बैठक कि अध्यक्षता करते हुए कहा कि जल संरक्षण सभी का सामूहिक उत्तरदायित्व है तथा इस दिशा में विभागों के सार्थक प्रयास आवश्यक है। उपायुक्त किन्नौर ने कहा कि जल का संरक्षण वर्तमान समय की मांग है जल की एक-एक बून्द को बचा कर जल का सदुपयोग कर भावी पीढ़ी के लिए पर्याप्त मात्रा में जल उपलब्ध करवाया जा सकता है। जिसके लिए सरकारी, प्रशासनिक एवं आम जन की भागीदारी आवश्यक है। उन्होनें कहा कि इस अभियान के तहत लोगों की सक्रिय भागीदारी के साथ जल संचयन गडे, छत वर्षा जल संचयन, चैक डैम बनाने, टैंकों का भंडारण क्षमता को बढाने व जल संचयन संरचनाओं को मुरम्मत जैसे कार्यो को अभियान में शामिल कर भविष्य के लिए पानी की कमी को पूरा किया जा सकता है। उन्होनें कहा कि वर्षा जल संग्रहण के लिए भवनों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर सभी सरकारी भवनों, पंचायत घरों, आंगनवाड़ी केन्द्रों, विद्यालयों तथा प्राथमिक स्वास्थय केन्द्रों के समीप वर्षा जल संरक्षण टैंक निर्मित किए जाए। उन्होनें वन विभाग के अधिकारीयों को निर्देश दिए कि भूमि कटाव सम्भावित क्षेत्रों एवं नदी नालों के समीप अधिक से अधिक पौधरोपण कर कृषि योगय भूमि के कटाव को रोका जा सकें। उपायुक्त ने कहा जल शक्ति विभाग को जल संरक्षण के लिए प्रभावी योजना बनाई जानी चाहिए। जिससे जल संरक्षण की नई तकनीक के माध्यम से जल संचयन किया जा सके। उन्होनें पारंपरिक जल स्त्रोतों के सरंक्षण और संवर्धन पर भी चर्चा की। उन्होनें नेहरू युवा केन्द्र के साथ महिला मण्डल, युवक मण्डल और अन्य गैर सरकारी संगठनों को साथ जोड कर वर्षा जल संरक्षण की दिशा में कार्य करने व आम जन को जागरूक करने के निर्देश दिए। ताकि जिले में बेहतर जल संरक्षण संरचनाएं तैयार की जा सकें। इस अवसर पर उपमण्डलाधिकारी अधिकारी कल्पा स्वाती डोगरा, वनमण्डलाधिकारी रजनोल्ड राॅयस्टन, सदस्य सचिव जल शाक्ति विभाग सुमित सूद, परियोजना अधिकारी ग्रामीण विकास अभिकरण जंयवन्ती ठाकुर, अधिशाषी अभियन्ता लोक निमार्ण विभाग अंशुल चैधरी, जिला युवा समन्यवयक नेहरू युवा केन्द्र प्रिंयका व विभिन्न विभागों के विभगाध्यक्ष तथा कर्मचारी उपस्थित थे।
शिमला: हिमाचल प्रदेश विधानसभा का मानसून 2 से 13 अगस्त तक चलेगा। सत्र काे सुचारू रूप से चलाने के लिए जल्द ही सर्वदलीय बैठक आयोजित हाेगी। हिमाचल प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष विपिन सिंह परमार ने आज विधानसभा सचिवालय परिसर का आगामी मानसून सत्र के दृष्टिगत चल रही तैयारियों का जायजा लेने के लिए विस्तृत दौरा किया। परमार ने परिसर में चल रहे विकासात्मक कार्यों तथा अन्य मुरम्मत कार्यों का निरिक्षण भी किया। गौरतलब है कि हिमाचल प्रदेश विधानसभा का 10 दिवसीय मानसून सत्र दाे अगस्त से आरम्भ होने जा रहा है। इस अवसर पर विधान सभा सचिव यशपाल शर्मा, संयुक्त सचिव (प्रशासन) विधानसभा बेग राम कश्यप, उप निदेशक विधान सभा हरदयाल भारद्वाज, विधानसभा अध्यक्ष के सचिव प्रकाश ठाकुर, लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियन्ता डॉ0 रवि कुमार कौंडल, विधानसभा सचिवायल के अनुभाग अधिकारी प्रशासन राजेन्द्र ठाकुर, तथा सत्र की तैयारियों में लगे अन्य अधिकारी व कर्मचारी भी मौजूद थे। इस अवसर पर परमार ने अधिकारियों को समय रहते सभी कार्यों को पूर्ण करने के आदेश दिये। परमार ने परिसर की साफ सफाई को भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। पुस्तकालय कक्ष, मिडिया सैंटर, मुख्यमंत्री तथा मंत्रीपरिषद के सदस्यों के चैम्बर, अभी हाल ही में नियुक्त हिमाचल प्रदेश सरकार के मुख्य सचेतक तथा उप मुख्य सचेतक के चैम्बर, पत्रकार दीर्धा, दर्शक दीर्धा तथा सदन के अन्दर चल रहे मुरम्मत कार्यों का निरिक्षण किया तथा कुछ और अरिरिक्त मुरम्मत कार्यों को समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त उनहेंने विधानसभा के प्रतिक्षालय भवन का भी निरिक्षण किया तथा वहां आगन्तुकों के लिए समुचित व्यवस्था करने के निर्देश दिये। परमार ने कहा कि सत्र के दौरान सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश व जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ 29 जुलाई को दाेपहर 3 बजे बैठक बुलाई गई है। परमार ने कहा कि सत्र को सुचारू रूप से चलाने में सहयोग देने हेतु शीघ्र ही सर्वदलीय बैठक बुलाई जा रही है।
बुधवार को भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नडडा के कर कमलों द्वारा राष्ट्रीय स्वास्थ्य स्वयं सेवक अभियान का केन्द्रीय कार्यालय दिल्ली में शुभारम्भ हुआ। राष्ट्रीय स्वास्थ्य स्वयं सेवक अभियान के दृष्टिगत आयोजित एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में देश भर के 33 प्रातों/केन्द्र शासित प्रदेशों के 121 प्रतिनिधियों ने भाग लिया। एक दिवसीय यह प्रशिक्षण वर्ग पांच सत्रों में आयोजित किया गया। भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नडडा ने इस अवसर पर बोलते हुए भाजपा का आहवान किया कि हमें देश के दो लाख गांव में चार लाख हैल्थ वालिंटियर तैयार करने हैं और जो किसी भी संभावित कोविड वेव से समाज को जागरूक करने, समाज सेवा करने के लिए तत्पर हों। उन्होंने कहा कि भाजपा के लिए सेवा ही संगठन है और हम सब इसी विचारधारा एवं दृष्टिकोण के साथ राष्ट्र सेवा में कार्यरत हैं। विधायक एवं पूर्व विधानसभा अध्यक्षा डा. राजीव बिन्दल जो राष्ट्रीय स्वास्थ्य स्वयं सेवक अभियान के संयोजक भी हैं ने प्रशिक्षण वर्ग में कहा कि हमें गांव स्तर पर बनाए जाने वाले स्वास्थ्य सवयं सेवकों को कोविड-19 के प्रति पूर्ण रूपेण जानकार बनाना है ताकि वे अपने गांव, अपने मोहल्ले में आने वाले क्षेत्र के प्रत्येक व्यक्ति को जागरूक कर सकें। डा. बिन्दल ने कहा कि हमारा संगठन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भाजपा राष्टीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नडडा के मागदर्शन में इस लक्ष्य को पूरा करेगा और कोरोना को हरा कर ही हम दम लेंगे। देश भर से पधारे 33 प्रांतों/केन्द्र शासित प्रांतों के 121 प्रतिनिधियों ने प्रशिक्षण शिविर में अपने सुझाव और विचार भी व्यक्त किए। प्रशिक्षण शिविर में सभी प्रतिनिधियों को कोरोना की संभावित तीसरी वेव के दृष्टिगत प्रभावितों की सहायता और जानकारी प्रदान करने सम्बन्धी महत्पूर्ण और लाभाकारी जानकारी उपलब्ध करवाई गई है।
बुधवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय इकाई द्वारा विभिन्न छात्र मांगों को लेकर अधिष्ठाता अध्ययन को ज्ञापन सौंपा गया।इस ज्ञापन को विश्वविद्यालय में दाखिले की प्रवेश परीक्षा करवाने, विश्वविद्यालय की ऑनलाइन प्रणाली को सुदृढ़ करने ,धीमी रफ्तार से चले हुए इंटरनेट सुविधा को दुरुस्त करने, विश्वविद्यालय में सभी छात्रों के लिए हॉस्टल खोलने और प्रवेश परीक्षा का शेड्यूल जारी करने के संबंध में सौंपा गया। इकाई अध्यक्ष विशाल सकलानी ने बताया कि विश्वविद्यालय में धीमे इंटरनेट की वजह से प्रदेश भर के हजारों छात्र परेशान हो रहे हैं और इंटरनेट ने विश्वविद्यालय की रफ्तार भी धीमी कर दी है। प्रतिदिन हजारों की संख्या में प्रदेशभर से दूरदराज क्षेत्रों से छात्र विश्वविद्यालय में परीक्षा संबंधित अनेकों समस्याओं का समाधान करवाने पहुंचते हैं लेकिन विश्वविद्यालय में खराब इंटरनेट सुविधा होने के कारण वह निराश होकर वापस घर चले जाते हैं, विश्वविद्यालय में वाईफाई के उपकरण 10 साल पुराने हैं जिन्हें बदलना समय की मांग है लेकिन सुस्त विश्वविद्यालय प्रशासन अभी तक इसकी टेंडर प्रक्रिया तक भी शुरू नहीं कर पाया जिसका खामियाजा छात्रों को भुगतना पड़ रहा है। इसी के साथ साथ विश्वविद्यालय की वेबसाइट बहुत ही धीमी रफ्तार से चलती है तथा अनेकों तकनीकी समस्याएं आए दिन इस वेबसाइट में रहती हैं। हाल ही में विश्वविद्यालय ने टेस्टिंग स्टेज पर ही 2017 बैच का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया जिससे प्रदेश भर के हजारों छात्र मानसिक रूप से दबाव में आए। उन्होंने कहा की विश्वविद्यालय प्रशासन पीजी के दाखिले प्रवेश परीक्षा के आधार पर ही करवाएं और पिछले वर्ष की भांति मेरिट आधार पर दाखिले कर हजारों छात्रों के साथ धोखाधड़ी ना करें और विश्वविद्यालय प्रशासन परीक्षा प्रवेश परीक्षा का शेड्यूल जारी करें ताकि छात्र अपनी तैयारी ठीक से कर सकें। उन्होंने कहा की आज विश्वविद्यालय की नाकामी के कारण हजारों छात्र शिमला में 5 से ₹7000 का कमरा लेकर किराए भर रहे हैं, शोधार्थी अपना शोध ठीक से नहीं कर पा रहे हैं और उन्हें अनेकों आर्थिक तंगीयों का सामना करना पड़ रहा है, ऐसे में विश्वविद्यालय को चाहिए कि शोधार्थियों के लिए तथा अन्य छात्रों के लिए शीघ्र विश्वविद्यालय के हॉस्टल क्रमानुसार खोले जाए। विश्वविद्यालय जल्द प्रवेश परीक्षा पर अपना रुख स्पष्ट करें व प्रवेश परीक्षा का शेड्यूल जारी करें, ई आर पी सिस्टम को दुरुस्त किया जाए तथा विश्वविद्यालय की इंटरनेट सुविधा को दुरुस्त किया जाए और शोधार्थियों तथा अन्य छात्रों के लिए शीघ्र अति शीघ्र छात्रावास खोले जाएं। यदि विश्वविद्यालय प्रशासन विद्यार्थी परिषद की मांगों को पूरा नहीं करेगा तो विद्यार्थी परिषद छात्रों को लामबंद करते हुए आंदोलन करेगी ।
हिमाचल प्रदेश भाजपा सहकारिता प्रकोष्ठ की बैठक का दीपकमल में आयोजित हुई। बैठक में शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज ने शिरकत की। भारद्वाज ने कहा कि सहकारिता प्रकोष्ठ का न केवल संगठन की दृष्टि से बल्कि भारत को आत्मनिर्भर बनाने के सपने को साकार करने में भी अहम योगदान है। उन्होंने कहा कि सहकारिता के महत्व का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने इसके लिए अलग मंत्रालय बनाया है जिसका प्रभार गृहमंत्री अमित शाह के पास है। सहकार से समृद्धि का मंत्र ही भारत को आत्मनिर्भर बनाएगा। प्रकोष्ठ के पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए भारद्वाज ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार द्वारा सहकारिता के क्षेत्र में कई योजनाएं चलायी जा रही है। इन योजनाओं का मकसद ग्रामीण और शहरी आर्थिकी को सुदृढ़ करना है। उन्होंने कहा कि कोरोना काल में आर्थिकी पर पड़े प्रभाव खत्म करने में इस क्षेत्र का अहम योगदान होगा।
हिमाचल प्रदेश सचिवालय सेवा कर्मचारी एसोसिएशन के अध्यक्ष संजीव शर्मा और महासचिव कमल कृष्ण शर्मा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने आज यहां मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर से भेंट की और एसोसिएशन की विभिन्न मांगों से अवगत करवाया। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि राज्य सरकार उनकी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करेगी।
कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर ने देश के दो गणराज्यों असम और मिजोरम के बीच सीमा विवाद में भड़की हिंसा पर चिंता प्रकट करते हुए कहा है कि स्वतंत्र भारत मे पहलीं बार दो राज्यों के बीच सीमा विवाद को लेकर इस प्रकार की हिंसा से देश की आंतरिक सुरक्षा को एक बड़ा खतरा उत्तपन हो गया है। इस संघर्ष का पूरे विश्व मे भारत के प्रति एक गलत संदेश गया है। उन्होंने इसके लिए केंद्र की मोदी सरकार को दोषी ठहराते हुए कहा है कि देश के भीतर राज्यों के किसी भी प्रकार के विवाद को समय रहते सुलझाया जाना चाहिए, जिससे किसी भी प्रकार के तनाव या विवाद से बचा जा सकें। उन्होंने कहा कि कई राज्यों में सीमा विवाद है, वहां कमोबेश ऐसी पुनरावृत्ति न हो, इसे समय रहते हल किया जाना चाहिए। कुलदीप राठौर ने आज यहां कहा कि केंद्र सरकार को इन दोनों राज्यो के सीमा विवाद की पूरी जानकारी है,बाबजूद इसके इसे सुलझाने के कोई भी सार्थक प्रयास न किये जाने से साफ है कि गृह मंत्रालय जानबूझकर इसे नजरअंदाज करता रहा है।उन्होंने कहा कि पिछले साल से इन दोनों राज्यों की सीमा पर ज़मीनी विवाद और बढ़ते तनाव की बजह से बेगुनाह 6 पुलिस के जवान मारे गए। राठौर ने प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को इसका दोषी ठहराते हुए गृह मंत्री से अपने पद से त्यागपत्र देने की मांग करते हुए कहा है कि एक ओर देश के सैनिकों को विदेशी ताकतों से सीमाओं की रक्षा में अपनी जान गवानी पड़ रही है तो दूसरी तरफ देश के भीतर राज्यों के सीमा विवादों से झूझना पड़ रहा है।उन्होंने असम और मिजोरम के लोगों से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए केंद्र से इस समस्या के जल्द निपटारे की मांग भी की है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. सुरेखा चैपड़ा ने जानकारी देते हुए बताया कि सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों की पालना करते हुए ऐसे व्यक्ति जो आने वाले समय में अंतर्राष्ट्रीय यात्रा करने जा रहे हैं वह कोविशिल्ड वैक्सीन की दूसरी डोज 28 दिन के बाद तथा 84 दिन से पहले लगवाना सुनिश्चित करें। उन्होंने बताया कि इस संदर्भ में अंतर्राष्ट्रीय यात्रा को तीन श्रेणियों में विभाजित किया गया है, जिसमें जो छात्र पढ़ाई के संबंध में विदेश जा रहा हो, जो व्यक्ति किसी विदेश में नौकरी कर रहा हो या करने जा रहा हो तथा एथेलिट या भारतीय दल के खिलाड़ी और स्टाफ जो टोक्यो में आयोजित होने जा रहे अंतर्राष्ट्रीय ओलम्पिक्स खेलों में भाग ले रहे हो। उन्होंने बताया कि इन श्रेणियों के लिए जिला में 30 जुलाई को दीन दयाल उपाध्याय अस्पताल शिमला में विशेष टीकाकरण सत्र आयोजित किया जा रहा है। इसके उपरांत इन श्रेणियों के लिए 31 अगस्त तक प्रत्येक शुक्रवार को दीन दयाल उपाध्याय अस्पताल शिमला में विशेष टीकाकरण सत्र आयोजित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इन श्रेणियों में आने वाले सभी लाभार्थी अपने सभी दस्तावेजों के साथ मुख्य चिकित्सा अधिकारी शिमला कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं। दस्तावेजों में पहली खुराक का प्रमाण-पत्र, शिक्षा के संबंध में संवाद पत्र, नौकरी के संबंध में साक्षात्कार काॅल नौकरी ऑफर या रोजगार से संबंधित पत्र, टोक्यो ओलंपिक में नामांकन पत्र तथा पासपोर्ट काॅपी होनी अनिवार्य है।
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने आदेश जारी करते हुए बताया कि जिला शिमला के अंतर्गत होने वाली निर्वाचन क्षेत्र-65 जुब्बल-कोटखाई में विधानसभा उप-चुनाव तथा 2 मण्डी लोकसभा उप-चुनाव के तहत आने वाले रामपुर विधानसभा क्षेत्र के लिए जिला स्तरीय व्यय अनुश्रवण प्रकोष्ठ का गठन किया गया है, जिसके तहत अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी (प्रोटोकॉल) सचिन कंवल को अध्यक्ष, उपायुक्त कार्यालय के सहायक नियंत्रक वित्त बलबीर सिंह जिल्टा तथा निदेशक उच्च शिक्षा शिमला के सहायक नियंत्रक वित्त एस.के. भारद्वाज को सदस्य नियुक्त किया गया है।
उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने आज आदेश जारी करते हुए बताया कि पुलिस अधीक्षक शिमला द्वारा रिज तथा माॅल रोड में पैदल आवागमन कर रहे लोगों के लिए तैयार की गई योजना को मंजूरी प्रदान की गई है। योजना के तहत तीन पुलिस जांच केन्द्र बनाए गए हैं, जिसमें सीटीओ, नजदीक हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय तथा रिगल (लक्कड़ बाजार) शामिल है। इसके अतिरिक्त सीटीओ, स्कैंडल प्वाइंट, नजदीक एचपीएमसी बूथ, चर्च, पदमदेव काॅम्पलेक्स, शेर-ए-पंजाब, स्पोर्टस काॅम्पलेक्स, नजदीक होटल कलाक्र्स तथा होर्स यार्ड नजदीक लक्कड़ बाजार पेड़ स्थानों पर पुलिस कर्मियों की तैनाती की जाएगी, जो रिज तथा माॅल में यात्रियों तथा लोगों को बाईं दिशा में चलने के साथ बुजुर्ग तथा बीमार व्यक्ति को छोड़कर माॅल एवं रिज पर बैठने की अनुमति नहीं देंगे। उन्होंने बताया कि यह योजना रिज तथा माॅल पर भीड़ को नियंत्रित करने के साथ कोविड-19 प्रोटोकाॅल की अनुपालना सुनिश्चित करने के लिए तैयार की गई है।
शिमला नगर में अमरूत योजना के तहत विभिन्न विकास कार्यों पर 238.44 करोड़ रुपये की राशि व्यय की जा रही है। यह जानकारी आज शहरी विकास, आवास, नगर नियोजन, विधि, संसदीय कार्य एवं सहकारिता मंत्री सुरेश भारद्वाज ने आज संजौली के ढिंगुधार में अमरूत योजना के तहत 2.50 करोड़ रुपये से निर्मित पार्किंग व पार्क का उद्घाटन करने के उपरांत दी। उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत शिमला नगर में प्रस्तावित 47 कार्यों में से 32 कार्य पूर्ण किए जा चुके हैं, जिस पर लगभग 155 करोड़ रुपये की राशि व्यय की गई है। उन्होंने बताया कि मल्याणा, ढली, लालपानी, सीवरेज प्लांट को स्तरोन्नत करने का कार्य इस योजना के अधीन किया जाएगा। संजौली, सांगटी, इंजनघर के लोगों के लिए जलापूर्ति की निरंतरता को बनाए रखने के लिए 14 करोड़ रुपये की योजना पर युद्ध गति से कार्य किया जा रहा है। शिमला नगर में लगभग 1400 गाड़ियों की पार्किंग की व्यवस्था के विकास के लिए कार्य किया जा रहा है, जिसमें से 700 गाड़ियों के लिए निर्माण किया जा चुका है। शिमला नगर में 5 फुट ओवर पुलों का निर्माण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिनमें से 2 फुट ओवर का निर्माण कर दिया गया है। शिमला नगर में निर्धारित 32 किलोमीटर पैदल मार्ग का निर्माण किया जा चुका है जबकि ओकओवर के समीप अत्याधुनिक पार्क का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि आज ढिंगु मंदिर के समीप 1.50 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित पार्किंग का निर्माण किया गया, जिसमें 70 गाड़ियों की पार्किंग की व्यवस्था रहेगी। इसके अतिरिक्त अन्य पार्किंग जो 45 लाख रुपये की लागत से बनाई गई है, में लगभग 30 गाड़ियों को पार्क किया जा सकेगा। 27 लाख रुपये की लागत से पार्क का निर्माण किया गया है, जो इस क्षेत्र के बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों के लिए अत्यंत उपयोगी होगा। इसके अतिरिक्त ढिंगु मंदिर रास्ते को भी अति आधुनिक रूप से निर्मित किया गया है, जिस पर लगभग 15 लाख रुपये की राशि व्यय की गई है। उन्होंने बताया कि संजौली और इसके आस-पास के क्षेत्रों के तहत ढली में सामुदायिक भवन के साथ-साथ पार्किंग का निर्माण कार्य किया जा रहा है, जिस पर 3 करोड़ रुपये की राशि खर्च होगी। संजौली चैक पर फुट ओवर निर्माण का कार्य किया जा रहा है, जिस पर 2 करोड़ रुपये खर्च होंगे। उन्होंने कहा कि शिमला नगर का विकास बिना किसी भेदभाव के प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सबको साथ लेकर चलने और सभी वर्गों व क्षेत्रों के विकास को बढ़ाने के लिए सरकार द्वारा सतत् रूप से कार्य किया जा रहा है। कार्यक्रम में पार्षद अर्चना धवन, डाॅ. किमी सूद, आशा शर्मा, आरती चौहान, राजेन्द्र चौहान, दीपक शर्मा, जसविन्द्र, राकेश चौहान, सिमी नंदा, शैली शर्मा, कमलेश मेहता, रेणु चौहान, आनंद कौशल, दिवाकर देवव्रत शर्मा, आयुक्त नगर निगम आशीष कोहली, संयुक्त आयुक्त अजीत भारद्वाज, अधिशाषी अभियंता नगर निगम राजेश, किसान मोर्चा के संजीव चौहान, भाजपा कार्यकर्ता प्रेम सिंह चौहान, संदीप कांत शर्मा, विनायक एसोसिएट के मुकेश वर्मा व एमएस बगानिया भी उपस्थित थे।
हिमाचल में बरसात शुरू होते ही नुकसान शुरू हो गया है। राजधानी शिमला में आइजीएमसी अस्पताल के नजदीक एक दो मंजिला पुराना भवन पूरी तरह से जमीन में मिल गया।यह मकान आइजीएमसी से शिमला की ओर आने वाले रास्ते पर मनचंदा दवा की दुकान के बिल्कुल सामने बना बना था। उस भवन को नगर निगम ने कई साल पहले से अनसेफ घोषित कर दिया था, लेकिन किराएदार और मालिक के विवाद के चलते इस भवन को गिराया ना जा सका। भवन में एक ही व्यक्ति रहता था। इसका और मकान मालिक का आपस में विवाद चल रहा था। बीती रात पुराना लकड़ी से बना हुआ भवन पूरी तरह से मिट्टी बन गया। शहर में कई ऐसे भवन हैं जिन्हें नगर निगम ने अनसेफ घोषित किया है। नगर निगम शिमला 150 से ज्यादा भवनों को अनसेफ घोषित किया है। इन भवनों में लोगों को रहने की अनुमति नहीं होती है, लेकिन अधिकतर मामलों में विवाद न्यायालय तक पहुंचने के चलते इन्हे खाली नहीं करवाया जा सकता है। इसलिए निगम के अनसेफ घोषित होने के बावजूद इन भवनों में लोग अपनी जान जोखिम में डाल कर रह रहे हैं। नियमों के मुताबिक निगम इनके बिजली पानी काट सकता है, लेेकिन किराएदार व मकानमालिक के बीच में चल रहे विवाद के चलते निगम कार्रवाई नहीं कर सकता है।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश के प्रतिनिधिमंडल ने उच्च शिक्षा निदेशक को महाविद्यालय के दाखिले में पुन: "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। प्रांत मंत्री विशाल वर्मा ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर मीडिया को जानकारी देते हुए कहा कि नए सत्र हेतु प्रदेश के सैकड़ों महाविद्यालयों में 26 जुलाई से दाखिले शुरू हो गए है जिसमें शिक्षा विभाग ने नए रोस्टर को लागू करते हुए दाखिले करवाने का निर्णय लिया है जिसमें "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा को खत्म किया है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद इस निर्णय की कड़ी निंदा करती है। विशाल ने कहा कि शिक्षा के साथ खेलों को बढ़ावा दिया जाना अत्यंत आवश्यक है ताकि वर्तमान युवा पीढ़ी को नशाखोरी जैसे कुविचारों से दूर रखा जाए। उन्होंने कहा कि खेल के क्षेत्र में जो युवा अपना भविष्य बनाना चाहते है और देश का नाम खेल के क्षेत्र में रोशन करना चाहते है ये निर्णय उन छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। वर्तमान समय में टोक्यो ओलंपिक में भारत देश बढ़चढ़ कर भाग ले रहा है जिसमें 3 युवा हिमाचल प्रदेश के भी अपनी प्रतिभा का हुनर दिखा रहे है जो सभी देवभूमि के लोगों के लिए गौरव का विषय है, ऐसे समय में खेल को और अधिक तवज्जों देने के बजाय "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा को खत्म करना खिलाड़ियों का मनोबल गिराने जैसा है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने उच्च शिक्षा निदेशक को महाविद्यालयों में पुन: "स्पोर्ट्स एंड कल्चरल" कोटा को शुरू करने की मांग रखी है, शिक्षा निदेशक ने विद्यार्थी परिषद द्वारा उठाई गई मांग को वास्तविक मांग बताते हुए शीघ्र विभाग की बैठक बुलाने और इस मांग को पूरा करने के बारे में उचित निर्णय लेने का आश्वासन दिया है।
रोहड़ू एट्रोसिटी एक्ट मामले में रवि कुमार अध्यक्ष भीम आर्मी भारत एकता मिशन हिमाचल प्रदेश ने आरोप लगाए है कि गिरफ्तार व्यक्ति को बचाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं और अनुसूचित जाति के व्यक्ति को गलत तरीके से गिरफ्तार करवाने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर कानून के दायरे से बाहर जाकर कोई कार्रवाई की गई तो सरकार और जिला प्रशासन इसका अंजाम भुगतने के लिए तैयार रहें। उन्होंने रोहड़ू में दलित समुदाय द्वारा प्रदेश कि जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि बेलगाम संगठन के लोगों को रोकने के लिए पुलिस द्वारा कोई भी कार्यवाही नहीं की जा रही है, जिसके कारण प्रदेश में जातीय दंगे भड़काने की साजिश चल रही है। उन्होंने सरकार को चेताया है कि अगर किसी भी प्रकार की स्थिति बिगड़ी तो उसके लिए सीधे तौर पर हिमाचल प्रदेश सरकार जिम्मेवार होगी।
सीटू राज्य कमेटी हिमाचल प्रदेश ने एचआरटीसी कर्मियों की मांगों के समर्थन में ओल्ड बस स्टैंड शिमला पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन में विजेंद्र मेहरा, बाबू राम, बालक राम, विनोद बिरसांटा, सुरेंद्र बिट्टू, दर्शन लाल, राकेश सलमान, पवन, विरेन्द्र लाल, सीता राम, चमन लाल, रीना, रजनी, केदार आदि शामिल रहे। सीटू ने प्रदेश सरकार से एचआरटीसी कर्मियों की मांगों को पूर्ण करने व क्षेत्रीय प्रबंधक का तबादला रद्द करने की मांग की है। सीटू ने ऐलान किया है कि अगर एचआरटीसी कर्मियों का आंदोलन आगे बढ़ता है तो सीटू भी प्रदेशव्यापी स्तर पर इसका समर्थन करेगा व इसमें शामिल होगा। सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा व महासचिव प्रेम गौतम ने कहा है कि प्रदेश सरकार गांव-गांव तक बेहतरीन बस सेवाएं देने वाले एचआरटीसी कर्मियों को प्रताड़ित करके उनके हौसलों को पस्त कर रही है। आज भी हिमाचल प्रदेश की विपरीत भौगोलिक परिस्थिति में हर व्यक्ति तक बस सेवा पहुंचाने का कार्य केवल एचआरटीसी कर्मी ही कर रहे हैं। इस विभाग की बेहतरी के लिए कार्य करने वाले अफसरों व कर्मियों को प्रताड़ित किया जा रहा है। क्षेत्रीय प्रबंधक का तबादला भी इसी कड़ी का एक हिस्सा है। कर्मियों का गुस्सा केवल क्षेत्रीय प्रबंधक के तबादले तक सीमित नहीं है बल्कि निगम व कर्मियों के प्रति सौतेले भेदभाव के खिलाफ भी है। उन्होंने कहा है कि प्रदेश सरकार का रवैया एचआरटीसी कर्मियों के प्रति हमेशा भेदभावपूर्ण रहा है। इस निगम के लिए सरकार की सहायता लगातार कम हो रही है। इसी का नतीजा है कि निगम के पेंशनरों को कई-कई महीनों तक पेंशन नहीं मिलती है। कर्मियों के ओवरटाइम वेतन का भुगतान कई महीनों तक नहीं होता है। घाटे के रूट एचआरटीसी को देकर इसे जान बूझकर हाशिये पर धकेलने की कोशिश की जा रही है व पूर्ण निजीकरण की कोशिशें हो रही हैं। ऐसी परिस्थिति में भी एचआरटीसी कर्मी बेहतरीन सेवाएं देते रहे हैं परन्तु उन्हें ईनाम की जगह तबादले व प्रताड़ना मिल रही है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने एचआरटीसी को निगम के बजाए विभाग का दर्जा देने, पेंशनरों को समय पर पेंशन देने, कर्मियों को समय पर वेतन, ओवरटाइम व भत्तों का भुगतान करने, कच्चे कर्मियों को पक्का करने, बजट में बढ़ोतरी करने, रिक्त पदों को भरने, कर्मियों की प्रताड़ना बन्द करने, स्पेशल पे स्केल देने व कर्मियों के बस ठहरावों पर रहने की उचित व्यवस्था करने की मांग की है।
शिमला स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत विकास नगर क्षेत्र में 14 करोड़ रुपये की विभिन्न परियोजनाएं क्रियान्वित की जा रही है। इस बात की जानकारी शहरी विकास, आवास, नगर नियोजन, विधि, संसदीय कार्य एवं सहकारिता मंत्री सुरेश भारद्वाज ने 35 लाख रुपये से निर्मित 16 दुकानों के उद्घाटन समारोह के दौरान दी। उन्होंने कहा कि स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत विकास नगर में सड़क के साथ बैठे तह बाजारियों के लिए यह 16 दुकानें निर्मित कर आबंटित की गई है। इन दुकानों के बनने से जहां सड़क के किनारे बैठे तह बाजारियों को दुकानों का लाभ प्राप्त होगा, वहीं शिमला शहर के सौंदर्यीकरण को भी लाभ प्राप्त होगा। कार्यक्रम के उपरांत शहरी विकास मंत्री नेे परियोजना के तहत विकास नगर में 11 करोड़ रुपये से निर्मित होने जा रही पार्किंग तथा 2 करोड़ 50 लाख रुपये से निर्मित होने वाली लिफ्ट का भी निरीक्षण किया। उन्होंने विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन कार्यों को अक्तूबर, 2021 तक पूर्ण किया जाए। उन्होंने कहा कि इस प्रोजेक्ट के तहत शिमला के सौंदर्यीकरण में तेजी लाई जाएगी तथा काॅमर्शियल काॅम्पलेक्स, नए मार्ग, फूटपाथ, स्ट्रीट लाईटें, सोलर पैनल, माॅडल स्कूल, पैदल पथ मार्ग तथा आधुनिकीकरण से बनने वाले पार्क तथा वृद्धजनों के लिए वर्षा शालिका शिमला में मुहैया करवाई जा रही है। सरकार द्वारा वल्र्ड बैंक के साथ एमओयू में हस्ताक्षर कर दिए गए है, जिसके तहत आने वाले समय में शिमला शहर के लोगों को पानी की कमी से नहीं जूझना पड़ेगा। इस अवसर पर महापौर नगर निगम शिमला सत्या कौंडल, उप-महापौर शैलेन्द्र चैहान, विकास नगर पार्षद रंजना भारद्वाज, कंगना धार पार्षद रिनू चैहान, जाखू पार्षद अर्चना ध्वन, खलीनी पार्षद पूर्ण चंद तथा नगर निगम आयुक्त आशीष कोहली, उपमण्डलाधिकारी (ना.) ग्रामीण बाबू राम चैहान एवं अन्य विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय के दिशा-निर्देशानुसार प्रदेश में कोरोना महामारी की रोकथाम के लिए गठित जिला स्तरीय समिति ने आज शिमला के बालूगंज, अपर चक्कर चैक, लोअर चक्कर चैक, पी.एस.सी. चक्कर, प्राईवेट बसे तथा एचआरटीसी की बसों आदि स्थानों का औचक निरीक्षण कर आम जनमानस, पर्यटकों व दुकानदारों को कोविड नियमों के बारे जागरूक किया। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रमणीक शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि उच्च न्यायालय के निर्देशानुसार यह कार्यवाही अमल में लाई जा रही है। उन्होंने निरीक्षण के दौरान पर्यटकों और लोगों को कोविड-19 के बारे में जागरूक किया। उन्होंने लोगों को मास्क पहनने और कोविड प्रोटोकॉल की अनुपालना सुनिश्चित करने के संबंध में भी जागरूक किया। इस दौरान उन्होंने लोगों को वैक्सीनेशन के बारे में भी जागरूक किया। उन्होंने कहा कि वैक्सीन लगाने के बाद भी कोविड प्रोटोकाॅल का पालन करें। इस अवसर पर प्रधान बार एसोसिएशन राजीव सरकेक उपस्थित थे।
भाजपा प्रभारी अविनाश राय खन्ना ने आज पूर्व मुख्यमंत्री राजा वीरभद्र सिंह के निधन पर होल्ली लॉज में जाकर उनकी पत्नी रानी प्रतिभा सिंह व उनके परिवारजनों से मिल कर अपनी संवेदनाएं प्रकट की। उन्होंने कहा कि राजा वीरभद्र सिंह हिमाचल के ही नहीं बल्कि राष्ट्रीय नेता थे उनकी मृत्यु से जो हिमाचल में एक शून्यक आया है उसकी भरपाई करना मुश्किल है। उन्होंने कहा कि रानी प्रतिभा सिंह उनके साथ चौधरी लोकसभा में सांसद रही है और उनसे काफी पुरानी बातें सांझा हुई। हम पूर्ण रुप से आश्वासन देते हैं कि कभी भी इस परिवार के लिए हम समाज के नाते काम आ सके तो हम तैयार हैं। हिमाचल डे पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने स्वयं ज़िक्र किया था कि हिमाचल प्रदेश के लिए पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह का बड़ा योगदान रहा है। हिमाचल प्रदेश के विकास के लिए उन्होंने अथक मेहनत की है और एक सच्चे राष्ट्रवादी विचारधारा के नेता के रूप में काम किया।
हिमाचल प्रदेश के किन्नौर में रविवार को दिल दहलाने वाला हादसा हुआ। लंबे समय से घर में कैद से आजादी पाकर खुशनुमा पल बिताने पहुंचे पर्यटकों के सिर पर मौत बरसी। किन्नौर में बीते दिन हुए लैंडस्लाइड में कुल नौ लोगों की मौत हो गई। इन्ही में आयुर्वेद की डॉक्टर दीपा शर्मा भी शामिल थीं, जिन्होंने आधे घंटे पहले ही अपनी तस्वीरें पोस्ट कर लिखा था- 'लाइफ इज नथिंग विद आउट नेचर।' दीपा शर्मा पहली बार सोलो ट्रिप पर गई थीं। दीपा सोशल मीडिया पर लगातार अपनी यात्रा को लेकर अपडेट कर रहीं थीं, प्रकृति के खूबसूरत नजारों से लोगों को रूबरू करा रहीं थीं, लेकिन दीपा शर्मा या सोशल मीडिया से जुड़े किसी को भी इस बात अंदाजा नहीं था कि ये उनके अंतिम पल होंगे। किन्नौर में हुए लैंडस्लाइड में डॉ.दीपा शर्मा ने अपनी जान गंवा दी। रविवार को जब किन्नौर में लैंडस्लाइड आई, उससे कुछ वक्त पहले ही डॉ. दीपा शर्मा ने ट्विटर पर एक तस्वीर साझा की थी। उन्होंने लिखा था कि वह इस वक्त भारत के आखिरी प्वाइंट पर खड़ी हैं, जहां तक आम नागरिकों को जाने की इजाजत है। इसके 80 किलोमीटर आगे तिब्बत है, जिसपर चीन ने कब्जा किया हुआ है। सोशल मीडिया पर लोगों ने दीपा शर्मा की इस तस्वीर को जमकर पसंद किया। उनके चेहरे पर इस टूर की खुशी भी झलक रही थी, लेकिन किसी को ये मालूम नहीं था कि यही आखिरी तस्वीर थी।
मौसम विभाग के अनुसार हिमाचल में सोमवार से चार दिन तक भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। गत दिनों हुई बारिश से राज्य में अब भी दर्जनों सड़कें बंद हैं। सीजन के दौरान बागवानों को सेब मंडियों तक पहुंचाने में परेशानी हो रही है। राजधानी शिमला में रविवार को दिन भर बादल छाए रहे। न्यूनतम तापमान 2 से 3 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा, जबकि अधिकतम तापमान सामान्य रहा। प्रशासन ने लोगों और पर्यटकों को नदी-नालों के किनारे और भूस्खलन वाले क्षेत्रों की ओर न जाने की हिदायत जारी की है। इसके अलावा प्राकृतिक आपदा से निपटने के लिए मशीनरी भी तैनात की है।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने रविवार को किन्नौर जिले के बटसेरी में पहाड़ी दरकने के कारण नौ लोगों की मृत्यु पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि पहाड़ी दरकने के कारण नौ पर्यटकों की मृत्यु तथा तीन अन्यों के घायल होने की घटना अत्यंत दुखद है। उन्होंने प्रशासन को तुरन्त राहत और बचाव कार्य सुनिश्चित करने तथा प्रभावितों को फौरी राहत प्रदान करने के निर्देश दिए। उन्होंने ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शान्ति और घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की प्रार्थना की।
भाजपा प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना एवं जुब्बल कोटखाई के चुनाव प्रभारी शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वज जुब्बल कोटखाई नावर मंडल की बैठक में पहुंचे। बैठक की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष गोपाल जबैईक द्वारा की जा रही है उनके साथ प्रदेश संगठन महामंत्री पवन राणा, ज़िला अध्यक्ष अजय श्याम, ज़िला सह प्रभारी कुसुम सदरेट, प्रदेश आई टी संयोजक चेतन बरागटा, अशुतिष वैद्य उपस्थित रहे। प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना ने कहा कि हमारी लड़ाई उस राजनीतिक दल से है जिसके पास कोई नेता नही है, नीति नहीं है और ना ही दिशा है, पर भाजपा के पास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जैसे सशक्त नेतृत्व है उन्होंने भारत का नाम पूरे विश्व में चमकाया है और निरंतर देश की सेवा में लगे है। उन्होंने कहा कि मुझे दुर्गम क्षेत्र में काम करने का अनुभव है और एसे क्षेत्रों का दर्द समझता हूं। हमारी सरकार ने प्रदेश और देश मे इतने काम किये है कि हमारे कार्यकर्ता को सिर झुकाके नहीं सिर उठा कर वोट मांगने जाना है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की फितरत है कि काम हम करते है और उसका श्रेय कांग्रेस लेने का प्रयास करती है। कांग्रेस ने आज तक जनता कि तकलीफ दूर करने की कोशिश नही की ना कभी विज़न की बात की पर केवल समाज मे फुट डालने का काम किया। उन्होंने कहा कि भाजपा ने सभी के दर्द और मुश्किलों को समझा है और उसको दूर करने का काम किया है। आज इस क्षेत्र को हमारी सरकार ने दो सब डिवीज़न, सब तहसील, ब्लॉक व फायर स्टेशन दिया है। उन्होंने कहा कि जनता नरेंद्र बरागटा द्वारा जुब्बल कोटखाई नावर के किए गए अनगिनत कामों को कभी नहीं भूलेगी। मंत्री सुरेश भारद्वाज ने कहा कि यह समय पीड़ा का है हमने रोहड़ू के पूर्व विधायक एवं अर्की से विधायक पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह, फतेहपुर से सुजान सिंह पठानिया एवं जुब्बल कोटखाई ने नरेंद्र बरागटा को खोया है। हमे चुनाव भारी मन से लड़ना पड़ेगा उन्होंने कहा कि मेरा बरागटा से सबसे पुराना रिश्ता रहा है। उन्होंने कहा कि नरेंद्र बरागटा का बागवानी क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण योगदान रहा है। यहाँ पराला मंडी एवं 99 करोड़ का सी ए स्टोर बरागटा की देन है। बैठक में प्रदेश संगठन महामंत्री पवन राणा ने कई संगठनात्मक विषयों पर चर्चा की।
शिमला: पंजाब विधानसभा के अध्यक्ष कवर पाल सिंह ने रविवार को प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिवंगत वीरभद्र सिंह के आवास हॉली लॉज में उनकी धर्मपत्नी पूर्व सासंद प्रतिभा सिंह व उनके पुत्र विक्रमादित्य सिंह से भेंट कर वीरभद्र सिंह के निधन पर दुःख प्रकट करते हुए उन्हें अपनी सांत्वना दी।
भाजपा प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना एवं जुब्बल कोटखाई के चुनाव प्रभारी शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वज जुब्बल कोटखाई मंडल की बैठक में पहुंचे। इस बैठक की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष गोपाल जबिक द्वारा की जा रही है उनके साथ प्रदेश संगठन महामंत्री पवन राणा, ज़िला अध्यक्ष अजय श्याम, ज़िला सह प्रभारी कुसुम सदरेट, प्रदेश आई टी संयोजक चेतन बरागटा, अशुतिष वैद्य उपस्थित रहे।
गेयटी थियेटर में अंशुमन कुठियाला द्वारा लिखित कविताओं का विमोचन एवं उन कविताओं पर आधारित चित्रकला प्रदर्शनी का उद्घाटन वरिष्ठ पत्रकार एवं स्तंभकार प्रकाश चंद लोहमी द्वारा किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि अंशुमन की कविताओं में सामाजिक समरसता व सजगता का प्रवाह देखने को मिलता है। उन्होंने कहा कि इनके द्वारा लिखी गई कविताओं में परिपक्वता का भाव विद्यमान है। उन्होंने कहा कि कविताओं में निहित सामाजिक सारोकार को कलाकारों द्वारा तुलिका के माध्यम से विशिष्ट रूप से उकेरा गया है, जिससे यह मिलन अद्भुत और उत्कृष्टता का परिचय देता है। इस अवसर पर अंशुमन कुठियाला ने सभी का स्वागत करते हुए बताया कि कविताओं पर आधारित चित्रकला के परस्पर मेल का विचार उन्हें गेयटी थियेटर के टेवरन हाॅल में चित्रकला प्रदर्शन के दौरान पनपा, जिसे आज मूर्त रूप दिया गया है। उन्होंने चित्रकला के रूप में कविताओं को केनवस पर उकेरने के लिए बैंगलोर की कलाकार अनुश्रीदास और शिमला की नितिका दोल्टा का आभार व्यक्त किया। नितिका दोल्टा ने इस अनुभव को अत्यंत श्रेष्ठ बताया। इस अवसर पर कला, साहित्य, पत्रकार व बौद्धिक वर्ग के अनेक गणमान्य व्यक्ति शामिल हुए और शब्द और तुलिका के परस्पर मेल का अवलोकन व आनंद प्राप्त किया।
हर वर्ष सरकार तथा अन्य संस्थाओं द्वारा वन महोत्सव कार्यक्रम के माध्यम से लाखों पेड़ लगाए जाते हैं। पेड़ लगाने के साथ-साथ उनका संरक्षण व संवर्धन होना अति आवश्यक है। यह बात आज शहरी विकास, आवास, नगर नियोजन, विधि, संसदीय कार्य एवं सहकारिता मंत्री सुरेश भारद्वाज ने भाजपा महिला मोर्चा शिमला मण्डल द्वारा टूटीकंडी में आयोजित पौधा रोपण कार्यक्रम में देवदार का पौधा रोपित करने के उपरांत कही। उन्होंने बताया कि महिला मोर्चा द्वारा आयोजित यह कार्यक्रम सराहनीय है। महिलाएं इन कार्यों में अधिक ईमानदार होती है, जो कार्य उनके द्वारा किया जाता है वह ईमानदार तरीके से किया जाता है। उन्होंने बताया कि पर्यावरण पूरे विश्व में एक समस्या बनी हुई है। पश्चिम देशों में ग्रीन हाउस एमीशन की समस्या को विकासशील देशों को दोषी ठहराया जाता है जबकि सारा एमीशन उनके द्वारा किया जाता है। उन्होंने बताया कि देश में हिमाचल प्रदेश एक मात्र ऐसा राज्य है, जो पूरे उत्तर भारत को ऑक्सीजन प्रदान करता है। यह तभी संभव हो सका है क्योंकि यहां पर फोरेस्ट कवर अधिक है। उन्होंने बताया कि शिमला में अधिकतर पेड़ देवदार के है जो बहुत पुराने व गिरने की स्थिति में है, उनके स्थान पर नए पौधे रोपित करने के लिए इस तरह के कार्यक्रम बहुत महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के उपरांत उन्होंने समाज में महिलाओं के महत्व पर भी प्रकाश डाला और कहा कि सहकारी संस्थाओं में 33 प्रतिशत महिलाओं को आरक्षण देने पर विचार किया जा रहा है। कानून के तहत जो भी जरूरी संशोधन किया जाना है उसे आवश्यक रूप से किया जाएगा। प्रदेश सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण तथा उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने इस अवसर पर टूटीकंडी के स्थानीय लोगों की जन समस्याएं भी सुनीं तथा उन्हें समयबद्ध तरीके से पूरा करने का आश्वासन दिया। वन महोत्सव कार्यक्रम के दौरान देवदार, दाडू, बान, ओक, अखरोट, शहतूत, मजनू, हाइड्रेंजिया आदि किस्म के लगभग 100 पौधे रोपित किए गए। इस अवसर पर नगर निगम महापौर सत्या कौंडल, पार्षद डाॅ. किमी सूद, विदूषी शर्मा, आशा शर्मा, जिला उपाध्यक्ष ममता गुप्ता, महिला मोर्चा शिमला मण्डल महामंत्री पिंकी गोयल, हेमा कश्यप, सचिव शिमला मण्डल राजेश्वरी शर्मा, मण्डल सचिव अनिता, मण्डल महामंत्री गगन लखनपाल, सुशील चैहान, किसान मोर्चा अध्यक्ष संजीव चैहान, पूर्व पार्षद प्रत्याशी जय चंद ठाकुर, पूर्व पार्षद मंजू सूद, सोशल मीडिया प्रभारी रमन कपूर, डीएफओ पवन चैहान, आरओ लच्छी राम, डिप्टी रेंजर मनी राम एवं अन्य भाजपा पदाधिकारी व अधिकारीगण उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश के शिमला जिला के चौपाल के नेरवा इलाके में मासूम के साथ हैवानियत का मामला सामने आया है। अढ़ाई साल की मासूम के साथ हैवानियत की गई है। आरोप नाबालिग पर लगा है। आरोपी 17 साल का है और दसवीं कक्षा का छात्र है। पीड़िता की मां की शिकायत पर मामला दर्ज किया गया है और पुलिस ने आरोपी को भी हिरासत में ले लिया है। शिमला के एसपी मोहित चावला ने मामला दर्ज होने और गिरफ्तारी की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि मामले की तफ्तीश जारी है। आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धारा 376 और पॉक्सो एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। फिलहाल, बच्ची की हालत खतरे से बाहर बताई जा रह है। इस घटना से पूरे चौपाल इलाके में हड़कंप मच गया है। पीड़ित परिवार नेरवा क्षेत्र का रहने वाला है।
हिमाचल सरकार ने बिक्रम जरियाल को नरेंद्र बरागटा के निधन के बाद उनकी जगह मुख्य सचेतक बनाया है। बिक्रम जरियाल चम्बा के भटियात से संबंध रखते है। जबकि हमीरपुर के भोरंज से कमलेश कुमारी को उप सचेतक बनाया गया है। विधानसभा से अधिसूचना जारी कर दी गई है। आपको बता दें कि 2 तारिख़ से प्रदेश में विधानसभा का मॉनसून सत्र भी शुरू होने जा रहा है जिससे पहले सरकार ने इनकी नियुक्तियां की है। प्रदेश में उपचुनाव की आहट के बीच सरकार ने फतेहपुर और उसके साथ लगते जवाली विधानसभा क्षेत्र से दो भाजपा नेताओं की भी निगम और बोर्ड में नियुक्ति कर दी है। भाजपा के ओबीसी मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष और फतेहपुर विधानसभा क्षेत्र के भरयाल गांव निवासी ओमप्रकाश चौधरी को प्रदेश पिछड़ा वर्ग वित्त एवं विकास निगम कांगड़ा का उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया।
राजधानी शिमला में एचआरटीसी कर्मचारियों की हड़ताल शनिवार को भी जारी है। शिमला से आज चंडीगढ़, दिल्ली, धर्मशाला रूटों पर कोई बस नहीं चली। शिमला शहर के भीतर भी एचआरटीसी बस सेवा बंद है। जिला शिमला में एचआरटीसी बस सेवा पूरी तरह ठप है। हिमाचल परिवहन कर्मचारी संयुक्त समन्वय समिति ने आरएम का तबादला रद्द न करने पर पूरे प्रदेश में बसों का संचालन बंद करने का एलान किया है।वहीं हमीरपुर में भी एचआरटीसी कर्मचारियों ने प्राइवेट बसों को बस अड्डे के भीतर प्रवेश नहीं करने दिया। गौरतलब है कि एचआरटीसी लोकल यूनिट और प्राइवेट बस ऑपरेटरों के बीच चल रहे विवाद के बीच शुक्रवार को अचानक एचआरटीसी प्रबंधन ने क्षेत्रीय प्रबंधक शिमला लोकल देवासेन नेगी का शिमला से नेरवा तबादला कर दिया था। चालकों-परिचालकों ने इसे निजी बस ऑपरेटरों के दबाव में लिया फैसला बताकर बसें खड़ी कर निगम मुख्यालय के बाहर धरना दे दिया था।
सीटू के अखिल भारतीय आह्वान पर सीटू राज्य कमेटी हिमाचल प्रदेश ने आवश्यक रक्षा सेवा अधिनियम, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों व विशेष तौर पर आयुद्ध कारखानों के रक्षा उत्पादन के धड़ाधड़ निजीकरण के विरुद्ध तथा डिफेंस कर्मचारियों के साथ एकजुटता प्रकट करने के लिए प्रदेशव्यापी प्रदर्शन किए। इस दौरान जिलाधीशों के माध्यम से भारत के राष्ट्रपति को डिफेंस कर्मचारियों की मांगों के समर्थन में ज्ञापन प्रेषित किए। सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा व महासचिव प्रेम गौतम ने कहा है कि केंद्र की मोदी सरकार निगमीकरण की प्रक्रिया के ज़रिए आयुद्ध कारखानों के धड़ाधड़ निजीकरण की ओर बढ़ रही है। यह देश की आंतरिक व बाह्य दोनों तरह की सुरक्षा के दृष्टिकोण से बेहद खतरनाक कदम है। इस से कर्मचारियों के भविष्य पर भी गम्भीर प्रश्न चिन्ह खड़े हो रहे हैं। यह कदम जहां एक तरफ देश विरोधी है वहीं दूसरी ओर कर्मचारी विरोधी भी है। सरकार का यह कदम रक्षा क्षेत्र की कर्मचारी फेडरेशनों को अक्तूबर 2020 में केंद्र सरकार द्वारा दिए गए आश्वासन के विरुद्ध है। केंद्र सरकार की मनमानी के खिलाफ जब देश की पांच डिफेंस एम्प्लॉयीज फेडरेशनों ने हड़ताल का आह्वान किया तो आंदोलन को कुचलने के लिए सरकार ने बेहद खतरनाक आवश्यक रक्षा सेवा अधिनियम के ज़रिए हड़ताल व लोकतांत्रिक प्रणाली से होने वाले सभी तरह के प्रदर्शनों को प्रतिबंधित करने का फरमान जारी कर दिया। इससे न केवल रक्षा उत्पादन क्षेत्र ही प्रभावित होगा अपितु इसके पूर्ण ट्रेड यूनियन आंदोलन के लिए गम्भीर परिणाम होंगे। उन्होंने मांग की है कि कर्मचारी व ट्रेड यूनियन विरोधी आवश्यक रक्षा सेवा अधिनियम को तत्काल निरस्त किया जाए। उन्होंने सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों व विशेष तौर पर आयुद्ध कारखानों के रक्षा उत्पादन के धड़ाधड़ निजीकरण पर तुरन्त रोक लगाने की मांग की है।
पेगासस जासूसी मामले पर कांग्रेस के रवैए पर हमला बोलते हुए भाजपा मुख्य प्रवक्ता रणधीर शर्मा ने कहा कि यह मामला पूरी तरह से निराधार और तथ्यहीन है। विपक्षी दल इस मामले को लेकर किसी भी प्रकार के तथ्य सामने नहीं ला पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा का मानना है कि यह एक अंतरराष्ट्रीय साजिश है और जिस प्रकार से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की लोकप्रियता पूरे विश्व में पिछले 7 वर्षों में बढ़ी है उसको विपक्षी दल एवं देश विरोधी ताकते पचा नहीं पा रही है। उन्होंने कहा कि इस ताकतों द्वारा भारत को बदनाम करने का पूरा प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा इसीलिए मॉनसून सत्र से ठीक 1 दिन पहले यह तत्यहीन एवं निराधार मामला उठाया गया। भाजपा इस घटिया राजनीति की कड़ी निंदा करती है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कहा है कि अगर विपक्षी दलों के पास कोई तथ्य है तो ऐसे मामलों पर लोकसभा एवं राज्यसभा में चर्चा की जा सकती है पर जिस प्रकार से विपक्षी दल इस चर्चा से भाग रहा है वह साबित करता है कि यह मामला केवल काल्पनिक है। रणधीर शर्मा ने कहा एनएसओ एक इजरायली कंपनी है, पेगासस इसका प्रोडक्ट है, इस मामले में पेगासस ने इनकार किया है कि हमारे कस्टमर से इसका कनेक्शन नहीं है। कंपनी ने कहा कि इस मामले से हमारा कोई लेना-देना नहीं है। भजापा कांग्रेस पार्टी व अन्य विपक्षी दलों के नेताओं की सस्ती लोकप्रियता हासिल करने के लिए और अपनी राजनीतिक रोटियां सेंकने के लिए देश की छवि को धूमिल करने जैसी निमिन स्तरीय राजनीति की कड़ी निंदा करती है।
पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ मनुष्य को स्वस्थ जीवन की अनिवार्यता के लिए वनों का विस्तार अत्यंत आवश्यक है। उपायुक्त शिमला आदित्य नेगी ने ग्राम पंचायत पगोग के बड़श गांव में भाजपा मण्डल कुसुम्पटी एवं बूथ स्तरीय महिला मोर्चा के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित बान व देवदार के पौधे रोपित करने के उपरांत अपने संबोधन में यह विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संतुलन से ही मनुष्य सुरक्षित व खुशहाल रह सकता है। कोविड महामारी के दौरान ऑक्सीजन की आवश्यकता को लेकर प्रकृति ने हमें सचेत किया है। उन्होंने कहा कि वृक्षों के विस्तार से हम इन चुनौतियों का सामना करने के लिए सक्षम हो सकते हैं। उन्होंने बताया कि पौधा रोपण समारोह करने के उपरांत इन पौधों के संरक्षण व संवर्धन के लिए भी हमें व्यक्तिगत तौर पर अपना सहयोग प्रदान करना चाहिए। उन्होंने सभी सदस्यों से इस संबंध में सहयोग की अपील की। उन्होंने बताया कि आज पौधारोपण कार्यक्रम के तहत बान व देवदार के 150 पौधे रोपित किए गए। भाजपा कुसुम्पटी मण्डल के सदस्यों ने कहा कि पौधारोपण के साथ-साथ इनकी देखभाल का दायित्व भी उनके द्वारा निर्वहन किया जाएगा और क्षेत्र में हरित प्रसार के संबंध में निरंतर कार्य करेंगे। कार्यक्रम में पूर्व उप-महापौर एवं पार्षद राकेश शर्मा, पार्षद राजेन्द्र चौहान, पार्षद व महिला मोर्चा भाजपा जिला महामंत्री आशा शर्मा, पंचायत प्रधान कृष्णा ठाकुर, उप-प्रधान विनोद शांडिल, गुड़िया सक्षम बोर्ड की उपाध्यक्ष रूपा शर्मा, जिला भाजपा महामंत्री अंजना शर्मा, मण्डलाध्यक्ष जितेन्द्र भोटका, कुसुम्पटी महिला मोर्चा मण्डलाध्यक्ष सुरेखा कश्यप, मण्डल महामंत्री चिरंजीव शर्मा, कुसुम्पटी निर्वाचन क्षेत्र से प्रत्याशी विजय ज्योति सैन, किसान मोर्चा संसदीय प्रभारी दलीप छिबर, आईटी संयोजक खूब चंद, उपाध्यक्ष उमेश वर्मा, प्रदेश महिला मोर्चा जिला उपाध्यक्ष रमा चौपड़ा, मीडिया प्रभारी अमर सिंह ठाकुर, मण्डल सचिव दिवेश कुमार, मण्डल उपाध्यक्ष राज कुमार भी उपस्थित थे।
उपमण्डलाधिकारी शिमला शहरी मंजीत शर्मा की अध्यक्षता में आज यहां विभागीय अधिकारियों के साथ दक्षिण-पश्चिम मानसून से निपटने के लिए की गई व्यवस्थाओं एवं तैयारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। उन्होंने समस्त विभागीय अधिकारियों को आपस में समन्वय स्थापित कर कार्य करने के निर्देश दिए ताकि लोगों को बरसात के दौरान किसी भी प्रकार की कठिनाईयों का सामना न करना पड़े। उन्होंने नगर निगम शिमला तथा लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को बरसात के दौरान नालों व चैनलों को साफ करने के निर्देश दिए तथा डंगों व सड़क अवरूद्ध होने की स्थिति में तुरन्त कार्यवाही करते हुए सुचारू करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने राजस्व विभाग को शिमला शहर में संवेदनशील जनसंख्या की मैपिंग करने के निर्देश दिए ताकि आपदा के समय उन्हें सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित किया जा सके। साथ ही आपदा पीड़ितों को तुरन्त राहत प्रदान करने के निर्देश दिए। होमगार्ड तथा अग्निश्मन विभाग के अधिकारियों को आपदा के समय तुरन्त कार्यवाही करते हुए लोगों को सुरक्षा प्रदान करने को कहा। बिजली विभाग तथा वन विभाग के अधिकारियों को सामुहिक निरीक्षण कर खतरनाक पेड़ों को काटने के निर्देश दिए गए है ताकि बिजली की लाईनों के साथ-साथ आम जनमानस को भी खतरनाक पेड़ों से सुरक्षित रखा जा सके। उन्होंने जल शक्ति विभाग को बरसात के दौरान शहर में स्वच्छ जल मुहैया करवाने के निर्देश दिए ताकि जल जनित रोगों से जनता को बचाया जा सके। बैठक में नायब तहसीलदार शहरी हरि राम पंवर, एसडीओ एसजेपीएनएल शिमला महबूब शेख, एईएमसी शिमला गोपेश बेहल, स्टेशन फायर अधिकारी टेक चंद एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
प्रोफेसर एसपी बंसल हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति नियुक्त किए गए हैं। इस संबंध में अधिसूचना जारी कर दी गई हैं। प्रोफेसर एसपी बंसल वर्तमान में तकनीकी विश्वविद्यालय हमीरपुर में बतौर कुलपति सेवाएं दे रहे हैं। जून 2021 में राज्य सरकार ने हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर एसपी बंसल को आगामी एक साल के लिए दोबारा से कुलपति नियुक्त किया था। 2020 में प्रोफेसर बंसल की नियुक्ति तकनीकी विश्वविद्यालय में बतौर कुलपति एक वर्ष के लिए की गई थी। हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय में कुलपति का पद अप्रैल माह से खाली चल रहा था। वर्तमान में डॉ. रोशन लाल के पास कुलपति का अतिरिक्त कार्यभार है। उन्हें अब कार्यकारी कुलपति के कार्यभार से मुक्त कर दिया जाएगा।
मंडी संसदीय सीट समेत प्रदेश के 3 विधानसभा क्षेत्राें में हाेने वाले उपचुनाव से पहले सीएम जयराम ठाकुर ने मंडी जिले का दाैरा करेंगे। जयराम ठाकुर कल यानी 23 जुलाई से आगामी तीन दिनों तक मंडी जिले का तुफानी दाैरा करेंगे। सीएम ऑफिस से मिली जानकारी के मुताबिक वे 23 जुलाई काे शिमला से मंडी के लिए रवाना हाेंगे। वहां पर एमसी मंडी की समीक्षा बैठक लेंगे। सीएम 24 और 25 जुलाई काे भी मंडी जिले के विभिन क्षेत्राें में विकासात्मक कार्याें का शिलान्यास एवं उद्घाटन भी करेंगे।
हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय के दिशा-निर्देशानुसार प्रदेश में कोरोना महामारी की रोकथाम के लिए गठित जिला स्तरीय समिति ने आज शिमला के ढली, नालदेहरा, क्रैगनैनो तथा मशोबरा आदि स्थानों का औचक निरीक्षण कर आम जनमानस, पर्यटकों, दुकानदारों तथा घोड़ा मालिकों को कोविड नियमों के बारे जागरूक किया। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रमणीक शर्मा ने आज यहां जानकारी देते हुए बताया कि माननीय उच्च न्यायालय के निर्देशानुसार यह कार्यवाही अमल में लाई जा रही है। उन्होंने निरीक्षण के दौरान पर्यटकों और लोगों को कोविड-19 के बारे में जागरूक किया। उन्होंने लोगों को मास्क पहनने और कोविड प्रोटोकॉल की अनुपालना सुनिश्चित करने के संबंध में भी जागरूक किया। इस दौरान लापरवाही बरतने वालों के चालान भी किए गए। इस अवसर पर पुलिस एवं प्रशासन के कर्मचारी एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
उद्योग, परिवहन, श्रम और रोजगार मंत्री बिक्रम सिंह ठाकुर ने 3 करोड़ 14 लाख रुपये से निर्मित स्वर्गीय नरेन्द्र बरागटा अंतर जिला बस अड्डा कोटखाई का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि विकास निरंतर प्रक्रिया है। इससे क्षेत्र के विकास के साथ-साथ प्रदेश के विकास धारा को भी गति मिलती है। प्रदेश की राजनीति में जो पद स्वर्गीय नरेन्द्र बरागटा जी का था, उस पद को हासिल करने में बहुत समय लगता है। उनका जुब्बल-कोटखाई-नावर क्षेत्र के लिए विकास की धारा को गति देना मुख्य उद्देश्य था और उनके इसी सोच में आज हम इस बस अड्डे का उद्घाटन करके उनको श्रद्धाजंलि अर्पित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि एंटी हेलनेट तथा पराला फल व सब्जी मण्डी तथा अटल बिहारी इंजीनियरिंग कॉलेज गुम्मा जैसे बडे़ कार्य अपने कार्यकाल के दौरान इस क्षेत्र की जनता को समर्पित किए है। मुख्यमंत्री हिमाचल प्रदेश द्वारा जहां जुब्बल तथा कोटखाई की जनता को उपमण्डल कार्यालय खोलने से लाभ प्राप्त होगा, वहीं मुख्यमंत्री की दूरदृष्टि योजनाएं जैसी गृहिणी सुविधा योजना तथा पुरूष वर्ग के लिए 70 वर्ष के बाद पेंशन योजना तथा महिलाओं के लिए 65 वर्ष की आयु वर्ग की महिलाओं को पेंशन योजना से लाभान्वित किया जा रहा है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को सरकारी योजनाओं का लाभ प्रदान करने तथा सेमीनार के माध्यम से लोगों को जागरूक करने के निर्देश दिए। कोरोना काल में बंद पडे़ बस रूटों को दोबारा से आरम्भ कर दिया गया है तथा हिमाचल पथ परिवहन के लिए 250 नई बसों को भी खरीदा गया है। सरकार का मुख्य उद्देश्य आम जनमानस को सुविधाएं प्रदान करना है तथा इसी कड़ी में जुब्बल-कोटखाई-नावर क्षेत्र को भी बसों की कमी न हो इस दृष्टि से क्षेत्र के लोगों को अतिरिक्त बसों की सुविधा मुहैया करवाएंगे। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को पुराना बस अड्डा कोटखाई का जनता को पार्किंग की सुविधा मुहैया करवाने के उद्देश्य से निरीक्षण करने के निर्देश दिए ताकि समय रहते यह कार्य आरम्भ किया जा सके। कोटखाई में लोगों द्वारा विभिन्न विकासात्मक कार्यों को पूर्ण करने के लिए 50 लाख रुपये देने की घोषणा की। उन्होंने विभाग के अधिकारियों को कोटखाई से हरिद्वार हिमाचल पथ परिवहन निगम की बस को चलाने तथा परागपुर से ठियोग चलने वाली बस को कोटखाई तक चलाने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने नवनिर्मित बस अड्डे के प्रागंण में देवदार का पौधा भी रोपित किया। इस अवसर पर नगर पंचायत कोटखाई पार्षद मोहित नंदा ने मुख्यातिथि का स्वागत किया। कार्यक्रम में आईटी सेल अध्यक्ष हिमाचल प्रदेश चेतन बरागटा ने मंत्री को जुब्बल-कोटखाई-नावर क्षेत्र की समस्याओं से अवगत करवाया तथा क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों की जानकारी दी। इस अवसर पर विधायक चौपाल बलबीर वर्मा, खाद्य आपूर्ति निगम उपाध्यक्ष बलदेव तोमर, अध्यक्ष भारतीय जनता पार्टी जिला महासु अजय श्याम, मण्डलाध्यक्ष जुब्बल-कोटखाई-नावर गोपाल जबईक, प्रदेश युवा मोर्चा कार्यकारिणी सदस्य संदीप गांगटा, युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष अंकुश चौहान, जिला परिषद सदस्य फरोला वार्ड अनिल काल्टा, पूर्व अध्यक्ष नगर पंचायत कोटखाई सुन्दर चौहान, अध्यक्ष अल्प संख्यक जुब्बल-कोटखाई-नावर युसुफ खान, वरिष्ठ कार्यकर्ता राविन्द्र चौहान, महेन्द्र चौहान, ज्ञान जस्टा, उपमण्डलाधिकारी सौरव जस्सल, कार्यकारी निदेशक एचआरटीसी घनश्याम शर्मा, क्षेत्रीय प्रबंधक दलजीत सिंह, बस अड्डा प्रबंधक एवं विकास प्राधिकरण एचआरटीसी मदन चौहान, आरएम तारा देवी विनोद शर्मा, आरएम रोहडू, आरटीओ शिमला दिला राम तथा अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में एसओपी का सख्ती से पालन करते हुए 2 अगस्त से 10वीं, 11वीं और 12वीं कक्षाओं के लिए स्कूल खोलने का निर्णय लिया गया है। एसओपी का पालन करते हुए आवासीय और आंशिक रूप से आवासीय स्कूल भी इन कक्षाओं के लिए खुलेंगे। विश्वविद्यालयों के अधिकारियों द्वारा अधिसूचित तारीखों के अनुसार विश्वविद्यालयों में शोधार्थियों को अनुमति दी जाएगी। बैठक में निर्णय लिया गया कि 5वीं और 8वीं कक्षा के छात्रों को 2 अगस्त से संदेह निवारण के लिए स्कूलों में जाने की अनुमति दी जाएगी। यह भी निर्णय लिया गया कि कोचिंग, ट्यूशन और प्रशिक्षण संस्थानों को भी इस साल 26 जुलाई से एसओपी का पालन करके काम करने की अनुमति दी जाएगी। मंत्रि-परिषद ने लोगों की सुविधा के लिए कुल्लू जिले के निरमंड और शिमला जिले के जुब्बल और कोटखाई में तीन अनुमंडल कार्यालय खोलने का निर्णय लिया है । बैठक में क्षेत्र के लोगों की सुविधा के लिए पावंटा साहिब के विकास खंड का पुनर्गठन करके सिरमौर जिले के तिरलोधर में नया विकास खंड खोलने को भी अपनी मंजूरी दी है। सुंदरनगर एवं बल्ह विकास खण्डों का पुनर्गठन कर मण्डी जिले के शेगली में नवीन विकास खण्ड धनोटू खोलने की स्वीकृति प्रदान की। कैबिनेट ने हिमाचल प्रदेश में कनिष्ठ कार्यालय सहायक (आईटी) के 100 पदों को सीधी भर्ती के माध्यम से भरने की मंजूरी दी है। बैठक में कोटखाई क्षेत्र के टिक्कर में फायर पोस्ट खोलने का भी निर्णय लिया गया है। मंत्रि-परिषद ने कांगड़ा जिले के संसारपुर टैरेस में मेसर्स प्रीमियर अल्कोबेव प्राइवेट लिमिटेड संसारपुर टैरेस के पक्ष में कांगड़ा जिले के संसारपुर टैरेस में प्रतिदिन 250 किलो लीटर इथेनॉल संयंत्र स्थापित करने के लिए आशय पत्र जारी करने को भी मंजूरी दी। शिमला जिले के जुब्बल-कोटखाई क्षेत्र के टिक्कर में फायर पोस्ट खोलने का भी निर्णय लिया। कैबिनेट ने महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान भराड़ी बिलासपुर को सह-शैक्षिक औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में परिवर्तित करने व दोनों ट्रेडों को मैकेनिक मोटर व्हीकल एवं फिटर में सर्वेयर एवं कार्यालय सहायक कम कम्प्यूटर ऑपरेटर के पद परिवर्तित करने को भी अपनी सहमति प्रदान की। मंत्रिमंडल ने कांगड़ा जिले में नए स्तरोन्नत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गढ़-जमूला के सुचारू संचालन के लिए तीन अतिरिक्त पद भरने की मंजूरी दी। मंत्रिमंडल ने सूचना एवं जनसंपर्क विभाग में चालकों के तीन पदों को दैनिक वेतन भोगी आधार पर भरने का निर्णय लिया। खाद्य आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग में चैकीदार के 5 पद दैनिक वेतन भोगी आधार पर भरने का भी निर्णय लिया गया है। मंत्रिमंडल ने बिलासपुर जिला के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला हटवाड़ का नाम बदलकर शहीद सुबेदार संजीव कुमार राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला हटवाड़ रखने को भी अपनी स्वीकृति प्रदान की। शहीद सुबेदार संजीव कुमार को उनकी वीरता एवं साहस के लिए मरणोपरांत शहीद सम्मान कीर्ति चक्र से सम्मानति किया गया था। राज्य में कोविड-19 की स्थिति, कोरोना महामारी की संभावित तीसरी लहर से निपटने की तैयारियों और शिक्षा बोर्ड के परीक्षा परिणाम, यूजीसी के दिशा-निर्देशों व शिक्षा संस्थानों को खोलने पर भी मंत्रिमंडल के समक्ष प्रस्तुति दी गई।
राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने आज हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला के 52वें स्थापना दिवस कार्यक्रम की अध्यक्षता की। इस अवसर पर उन्होंने विश्वविद्यालय परिवार को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि शिक्षा जीवन का आधार है, हर व्यक्ति जीवनभर शिक्षा प्राप्त करता है लेकिन यह जानना महत्त्वपूर्ण है कि हमारी शिक्षा का लक्ष्य क्या होना चाहिए। शिक्षा देने वाले और शिक्षा ग्रहण करने वाले दोनों को यह पता होना चाहिए कि वह क्या शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। हमारी उच्च परम्पराओं से इसे कैसे जोड़े और कौन-कौन से विषय होने चाहिए, इस पर कार्य किया जाना चाहिए। राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने कहा कि किसी भी राष्ट्र का भविष्य इस पर निर्भर करता है कि हम युवा पीढ़ी को क्या विचार दे रहे हैं। यह आवश्यक है कि उनमें सामाजिक और राष्ट्र हित के विचार जागृत किए जाने चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारी संस्कृति को आघात पहंुचाने के लिए आक्रांताओं ने हमारी शिक्षा प्रणाली को समय-समय पर निशाना बनाया। वंही, मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला के 52वें स्थापना दिवस के अवसर पर संबोधित करते हुए कहा कि विश्वविद्यालय ने शिक्षा, शोध और प्रौद्योगिकी के शिक्षण और सीखने में अग्रणी भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय ने उच्चस्तरीय नौकरियों के लिए व्यावसायिक प्रशिक्षण के साथ-साथ व्यक्तित्व के विकास के जरूरी शिक्षा भी प्रदान की है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय ने छात्रों को समुदाय में सत्त विकास की चुनौतियों का सामना करने, जन जागरूकता बढ़ाने, निर्णय लेने और जिम्मेदार व्यवहार के लिए पूर्व शर्त प्रदान करने के लिए आवश्यक नया ज्ञान और कौशल प्रदान करने में मदद की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने कोरोना महामारी के दौरान भी यह सुनिश्चित किया है कि विकास निर्बाध गति से चलता रहे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने प्रदेश के पूर्ण राज्यत्व की स्वर्ण जंयती को मनाने के लिए राज्य स्तर पर 51 कार्यक्रमों के आयोजन की योजना तैयार की परन्तु महामारी के कारण इस पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा। उन्होंने हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय का स्थापना दिवस उपयुक्त तरीके से मनाने के लिए विश्वविद्यालय की सराहना की। उन्होंने विश्वविद्यालय में 150 शिक्षक नियुक्त करने और 12 नए संकाय शुरू करने के लिए भी विश्वविद्यालय की सराहना की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार विश्वविद्यालय के प्रभावी कामकाज के लिए हर संभव मदद प्रदान करेगी। इससे पूर्व, मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय परिसर में लगभग 6.73 करोड़ रुपये की लागत की विकासात्मक परियोजाएं समर्पित की। उन्होंने हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला के परिसर में पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा का अनावरण भी किया। इसकी स्थापना पर 20 लाख रुपये व्यय किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने शिक्षक काॅलोनी में 16 लाख रुपये की लागत से निर्मित ट्रांसफाॅर्मर हाॅल, 36 लाख रुपये की लागत से सौंदर्यीकरण कार्य और पार्किंग, 1.12 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित माॅडल स्कूल के चैथे चरण, 1.49 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित अकादमिक स्टाफ काॅलेज के फैकल्टी हाउस की अतिरिक्त मंजिलों और 49 लाख रुपये की लागत से निर्मित परीक्षा स्टोर और तीन दुकानों, 1.07 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित पुस्तकालय भवन 1.49 करोड़ रुपये की लागत से संकाय अतिथि गृह का जीर्णोधार, 35 लाख रुपये की लागत से विश्वविद्यालय परिसर में कुलपति कार्यालय के सामने सौन्दर्यीकरण कार्य व पार्किंग को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि इन सुविधाओं से शिक्षक और गैर शिक्षक कर्मचारियों के साथ छात्रों को सुविधा प्रदान करने में मदद मिलेगी।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में आज बाद तीन बजे से राज्य अतिथि गृह पीटरहॉफ शिमला में कैबिनेट की बैठक होगी। बैठक में पंजाब, हरियाणा, गुजरात और मध्य प्रदेश की तर्ज पर हिमाचल प्रदेश में 9वीं से 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए स्कूल खोले जाने पर फैसला हो सकता है। इसके अलावा अगस्त से कोचिंग संस्थान खोलने के भी आसार हैं। हरियाणा ने बीते दिनों नौवीं से 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए स्कूल खोल दिए हैं। मध्य प्रदेश सरकार ने 11वीं और 12वीं के स्कूलों को 26 जुलाई से खोलने का एलान किया है। गुजरात में 12वीं कक्षा के स्कूल 15 जुलाई से खुल गए हैं। उत्तर प्रदेश और पंजाब ने भी स्कूल खोलने का फैसला लिया है। इसी तर्ज पर हिमाचल प्रदेश सरकार भी इस पर फैसला ले सकती है। शिक्षा विभाग ने स्कूल खोलने के लिए दो विकल्प सरकार को भेजे हैं। पहले विकल्प में बोर्ड कक्षाओं के विद्यार्थियों को परिजनों के सहमति पत्र पर सिर्फ शिक्षकों से परामर्श लेने के लिए बुलाने की बात कही है। दूसरे विकल्प में 50 फीसदी क्षमता के साथ विद्यार्थियों को बुलाने की योजना है।
युवाओं की शक्ति और ऊर्जा के सकारात्मक प्रयोग के लिए उन्हें सही दिशा प्रदान करना आवश्यक है। शहरी विकास, आवास, नगर नियोजन, विधि, संसदीय कार्य एवं सहकारिता मंत्री सुरेश भारद्वाज ने संजौली क्षेत्र के इंजनघर वार्ड में युवा मोर्चा द्वारा आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए यह विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि युवा अपनी रचनात्मक एवं सृजनात्मक शक्ति एवं क्षमता का प्रयोग राष्ट्र निर्माण की मजबूती के लिए करें। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में बॉलीबाल, हॉकी तथा अन्य खेलों का बहुत अधिक प्रभाव रहा है। युवा खेलों की ओर अपने को मोड़े और नशे जैसी बीमारी से अपना नाता तोड़े। उन्होंने कहा कि इस दृष्टि से सरकार की तरफ से हर संभव सहायता उपलब्ध करवाई जाएगी। उन्होंने इंजनघर क्षेत्र के युवाओं द्वारा खेल मैदान को और अधिक विकसित करने की मांग को स्वीकार करते हुए इस संदर्भ में कमेटी गठित कर सुझाव प्रस्तुत करने को कहा। उन्होंने आश्वासन दिया कि कमेटी के सुझाव अनुरूप खेल मैदान के विकास के लिए हर सहायता उपलब्ध करवाई जाएगी। विधायक निधि से भी इसके लिए धन का प्रावधान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि खेल मैदान के लिए नगर निगम एवं खेल विभाग के अधिकारियों को भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे ताकि इस मैदान को विभिन्न खेलों के लिए आधुनिक संयंत्र एवं उपकरणयुक्त बनाया जा सके। उन्होंने कहा कि बच्चे बुरी संगत में न पड़े अथवा नशे से दूर रहे इसके लिए अभिभावक भी बच्चों पर निरंतर निगरानी रखें। यह उनकी नैतिक जिम्मेदारी है। इस अवसर पर उन्होंने क्षेत्र के लोेगों की समस्याएं भी सुनीं। नगर निगम महापौर सत्या कौंडल ने अपने संबोधन में युवाओं की इस मांग को जायज ठहराते हुए इसकी जल्द पूर्ति के लिए आग्रह किया। इस अवसर पर मण्डलाध्यक्ष राजेश शारदा, युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष अनिश चौपड़ा, किसान मोर्चा जिला अध्यक्ष संजीव चौहान, प्रदेश महामंत्री किसान मोर्चा संजीव देष्टा, मण्डल युवा मोर्चा अध्यक्ष मनीश, उपाध्यक्ष अमित नाम्टा, विकास बरागटा, मीडिया प्रभारी कल्पी शर्मा, प्रेम चौहान, पी.एस. राणा, संगीता, पुनीता सूद, संजय गुप्ता तथा अन्य कार्यकर्ता व भारी संख्या में युवा उपस्थित थे।
एनएसयूआई ने वीसी सिकंदर कुमार की कुलपति पद पर सेवा विस्तार को रद्द करने की मांग उठाते हुए राज्यपाल को मेल के माध्यम से ज्ञापन सौंपा। गौरतलब है कि प्रो० सिकन्दर कुमार पर कुलपति पद प्राप्त करने के लिए आवेदन पत्र में एक्सपीरियंस की झूठी जानकारी देने पर पहले से ही उच्च न्यायालय में मुकदमा चला है। इसके अतिरिक्त HPU Ordinance के Conduct Rule 35.20 के अनुसार विश्वविद्यालय का कोई भी शिक्षक और कर्मचारी किसी भी राजनीतिक गतिविधियों में भाग नही ले सकता। जबकि प्रो० सिकंदर कुमार वर्ष 2016 से 2018 तक भाजपा के एक पदाधिकारी के तौर पर सरेआम कार्य करते रहे। जो कि विश्वविद्यालय अध्यादेश की सरेआम अवहेलना है। इन दो वर्षों तक विश्वविद्यालय से उनका संबंद्ध केवल वेतन लेने तक का ही रहा जबकि काम उन्होंने एक राजनीतिक पार्टी के पदाधिकारी के तौर पर किया। इन सभी घटनाओं के चलते विश्वविद्यालय की गरिमा व प्रतिष्ठा एवं शिक्षा की गुणवत्ता पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है। एनएसयूआई विवि इकाई अध्यक्ष परवीन मिन्हास ने राज्यपाल से हिमाचल प्रदेश यूनिवर्सिटी की गरिमा व प्रतिष्ठा को बनाए रखने सहित UGC व HPU के नियमों की रक्षा करने हेतु मांग की है कि इस प्रकार के व्यक्ति की इतनी गरिमामय पद पर सेवा विस्तार को तत्काल प्रभाव से रद्द किया जाए और नियमों की अवहेलना करने के लिए प्रो०सिकंदर कुमार पर उचित कार्यवाही करने की मांग की।
प्रदेश कांग्रेस पेगासस जासूसी के विरोध में 23 जुलाई को प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन से राजभवन तक विरोध प्रदर्शन करेगी। इसमें प्रदेश कांग्रेस के नेता, पदाधिकारी व पार्टी कार्यकर्ता शामिल होंगे। कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर ने केंद्र की मोदी सरकार की उनके पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी सहित अन्य लोगों के फोन टेप व उनकी जासूसी करने की कड़ी आलोचना करते हुए कहा है कि इस पूरे मामले की जांच जेपीसी, सयुंक्त संसदीय समिति से करवाई जानी चाहिए। उन्होंने कहा है कि साजिश के तहत केंद्र सरकार ने लोकतंत्र की हत्या कर नेताओं, कार्यपालिका, न्यायपालिका विधान पालिका की जासूसी कर देश के लोकतंत्र की मर्यादा का हनन किया है।इस जासूसी के चलते उन्होंने कांग्रेस शासित राज्यों व विपक्षी दलों की सरकारों को अस्थिर किया। राठौर ने आरोप लगाया है कि पेगासस जासूसी में सरकार का हाथ है और इसके लिए उसे देश से माफी मांगते हुए गृह मंत्री अमित शाह को पद से हटा कर इस मामलें की जांच किसी सिटिंग जज से करवानी चाहिए।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय इकाई ने बुधवार को विश्वविद्यालय के इ आर पी सिस्टम को सुदृढ़ करने हेतु तथा विश्वविद्यालय में इंटरनेट की धीमी रफ्तार को ठीक करने हेतु इ आर पी डायरेक्टर को ज्ञापन सौंपा। इकाई अध्यक्ष विशाल सकलानी ने कहा कि प्रदेश विश्वविद्यलय ई आर पी का खराब होना प्रदेश के विद्यार्थियों के लिए मानसिक तनाव का कारण बना हुआ है। हाल ही में विश्वविद्यालय के द्वारा एक नया कारनामा दूसरी मर्तबा सामने आता है, जो टेस्टिंग सिर्फ बैक एंड पर होनी थी उस टेस्टिंग को खुले पोर्टल पर किया गया और 2017 बैच के पहले, तीसरे, पांचवें सेमेस्टर के छात्रों ने जब अपने री-अपयर के परिणाम देखें तो पाया की वे उन परीक्षाओं में भी फेल हो गए है जिनमे वो अपने पिछले परिणामों में पास हो गए थे, जिन पेपर में री-अपयर थी भी नहीं उन्हें भी उस विषय में भी उन्हें फेल कर दिया गया। उन्होंने कहा की प्रदेश विश्वविद्यालय ने टेस्टिंग के चलते हजारों छात्रों को मानसिक तनाव देने का काम किया है। विश्वविद्यालय को टेस्टिंग परिणामों को अपने तक ही सीमित रखना चाहिए। छात्रों के पोर्टल में टेस्टिंग परिणामों को दिखा कर छात्रों का मानसिक शोषण करना वास्तव में विश्वविद्यालय जैसे उच्च संस्थान के लिए प्रश्न चिन्ह है। इकाई मंत्री आकाश नेगी ने कहा कि पिछले डेढ़ हप्ते से विश्वविद्यालय प्रशासनिक भवन में नेटवर्क की गम्भीर हालत उत्पन हो गई है। प्रदेश के हजारों छात्र गम्भीर समस्याओं का सामना कर रहे है। प्रशासनिक भवन में सारे कार्य ठप पड़े हैं। कोई अपने परिणामों को लेकर तो कोई अपने प्रवेश को लेकर, तो कोई अपनी फीस को लेकर समस्याओं का सामना कर रहा है ऐसे में प्रदेश विश्वविद्यालय के प्रशासनिक भवन में नेटवर्क की बिल्कुल खराब स्थिति छात्रों के लिए मानसिक तनाव का कारण बना हुआ है। उन्होंने कहा की विश्वविद्यालय प्रशासन विश्वविद्यालयों को मात्र कागजों में ए ग्रेड का बताते हैं लेकिन असल में विश्वविद्यालय की सच्चाई कुछ और है, विश्वविद्यालय में वाईफाई की व्यवस्था है लेकिन वाईफाई केवल नाम मात्र का है। वाईफाई कुछ ऐसा है की कि उससे एक साइट खोलना भी मुश्किल हो जाता है ऐसे में विद्यार्थी परिषद ने ई आर पी डायरेक्टर को जल्द से जल्द इन सभी समस्याओं के समाधान करने के लिए कहा। विद्यार्थी परिषद ने अपना स्वतंत्र मत रखा कि जल्द से जल्द छात्र हितों को ध्यान में रखते हुए प्रशासनिक भवन में नेटवर्क की समस्या को सुधारा जाए और विश्वविद्यालय में वाईफाई को भी सुदृढ़ किया जाए और जल्द से जल्द ई आर पी ने जो टेस्टिंग परिणामों को छात्रों के पोर्टल में दिखाया है उन्हें ठीक किया जाए।
राज्य सरकार प्रदेश के कर्मचारियों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है और कर्मचारियों की उचित मांगों को समय-समय पर पूरा किया गया है। यह बात मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने बुधवार को ओकओवर में अध्यक्ष अश्वनी ठाकुर के नेतृत्व में भेंट करने आए हिमाचल प्रदेश अराजपत्रित कर्मचारी संघ के प्रतिनिधिमंडल को संबोधित करते हुए कही।मुख्यमंत्री ने कहा कि कर्मचारी किसी भी सरकार की रीढ़ होते हैं और प्रदेश सरकार की नीतियों तथा कार्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि कर्मचारी किसी भी सरकार के स्तंभ होते हैं जिनके कंधों पर सरकार की नीतियां कार्यान्वित करने का दायित्व होता है। जय राम ठाकुर ने कहा कि कर्मचारियों ने प्रदेश में कोविड-19 के प्रभावी प्रबन्धन में अहम भूमिका निभाई हैं। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के बावजूद, राज्य सरकार ने सुनिश्चित किया है कि कर्मचारियों को देय भत्ते समय-समय पर मिलते रहें। उन्होंने कोरोना महामारी के संकट के दौरान भी राज्य सरकार के साथ खड़े रहने के लिए प्रदेश के कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार शीघ्र ही कर्मचारियों के साथ बैठक आयोजित करेगी ताकि उन्हें सरकार के साथ अपने मुद्दे उठाने का अवसर मिल सके। उन्होंने संघ को आश्वासन दिया कि राज्य सरकार कर्मचारियों के उचित मुद्दों का सौहार्दपूर्ण तरीके से निवारण करने का प्रयास करेगी, क्योंकि सरकार कर्मचारियों के साथ सौहार्दपूर्ण संबंध बनाए रखना चाहती है। जय राम ठाकुर ने कर्मचारियों से निष्ठा और प्रतिबद्धता से कार्य करने का आग्रह किया ताकि हिमाचल प्रदेश को देश का आदर्श राज्य बनाया जा सके। उन्होंने संघ के सदस्यों को आश्वासन दिया कि कर्मचारियों के हितों को सुरक्षित किया जाएगा क्योंकि वे सरकार का अहम हिस्सा हैं। हिमाचल प्रदेश अराजपत्रित कर्मचारी संघ के अध्यक्ष अश्वनी ठाकुर ने मुख्यमंत्री को आश्वासन दिया कि राज्य में सम्पूर्ण एवं संतुलित विकास सुनिश्चित करने के लिए कर्मचारियों द्वारा उन्हें पूरा सहयोग प्रदान किया जाएगा। उन्होंने मुख्यमंत्री से जेसीसी की बैठक को बुलाने का भी आग्रह किया ताकि कर्मचारी अपने विभिन्न मुद्दे एवं मांगें सरकार के समक्ष रख सकें। संघ के महासचिव राजेश शर्मा ने भी इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त किए। करसोग के विधायक हीरा लाल तथा संघ के अन्य नेता भी इस अवसर पर उपस्थित थे।


















































