GNA University, Phagwara organised two days Virtual International Conference on “Contemporary Issues in Engineering and Technology” (CIET-2021) on January 08-09, 2021. The researchers, presenters, delegates from all over the globe participated and shared their research work in CIET-2021. In this two-day International Conference, the world renowned speakers from Romania, Singapore, Japan, Spain presented their Keynote and Plenary addresses. On the first day, January 8, 2021, Dr Manoj Gupta, Professor, National University of Singapore and Dr. Ioan-Cosmin MIHAI, Cyber Training Officer, European Union Agency for Law Enforcement Training, Romania addressed the delegates from across the globe. Dr. Gupta, in his address mentioned how Magnesium is an abundant element in our planet and in our body and its non-toxicity and lightness (33% lighter then aluminum) makes it eligible for perhaps a trillion-dollar market in engineering and biomedical applications. Dr. Gupta also said, “I am thankful to GNA University for holding up the CIET 2021 in such a wonderful and organised way.” Dr. Cosmin discussed the main types of malware (ransomware, banking trojans, crypto jacking, botnet malware) and the main cyber attacks vectors. He added, So far, 2020 has been a challenging year for everyone. COVID-19 and the push for a more remote workforce have left many organizations vulnerable to the risk of a cyber-attack. Dr. Cosmin in his address felt indebted to GNA University for making striving endeavours in holding up the Conference in the virtual mode. On day 1, presenters discussed various emerging trends like Cyber Security, Cloud Computing, Data Analytics, IoT etc. during technical Sessions. The Technical sessions were wonderfully chaired by all the stalwarts from the Engineering background. Dr. Monika Hanspal, Dean Academics delivered the Inaugural address and fully apprised the august gathering about CIET2021. Dr. Disha Khanna, Deputy Dean Faculty of Liberal Arts in the capacity of the Master of the Ceremony wonderfully upheld the 2 days International Conference, CIET2021. On January 9, 2021, the second day, Dr. Hiroyuki KAMEDA from Tokyo University of Technology, Japan, Dr. Carlos J. Ochoa Fernández from Spain and Mr. Nitin Malvadkar Director, Siemens Digital Industries Software, Singapore delivered their talks. Dr. Kameda discussed the role of Natural Language Processing and deep learning in engineering applications. Dr. Fernández in his address said, “Opportunities are available for enterprises when the 4th Industrial Revolution begins to take shape basically are increasing productivity and efficiency, improved customer quality service, faster access to data and value information in real-time and massive improvements in an enterprise.” Mr. Nitin Malvadkar discussed various products available in the market which can enhance learning and industrial experiences and how Siemens is extending assistance to both the faculty and the zealous students. More than 50 researchers presented their work in five different technical sessions during two days and shared their findings. The sessions witnessed research acumen from the interdisciplinary fields as well. S. Gurdeep Singh Sihra, the Pro-Chancellor and the Chief Guest, GNA University said, “This International Conference was a long-awaited event. He added, “This will be our annual event from now onwards.” Dr. VK Rattan, the Vice-Chancellor, GNA University congratulated the organizing Team for organizing such a mega event during the unprecedented times. Dr. Vikrant Sharma, Dean Faculty of Engineering cum one of the Conveners of the Conference offered his Vote of Thanks and passed his in depth gratitude to everyone associated with the Conference in the most desired way. The 2 days Conference was well planned and organised by the co-conveners, Dr. Anurag Sharma and Mr. CR Tripathi. The whole Team of Engineering along with the other Deans and the Heads attended the Conference and every participant and delegate passed their gratitude in hope of CIET2022 the next year.
उपायुक्त सोलन के.सी. चमन ने वर्ष 2021के लिए सोलन जिला के अर्की, कण्डाघाट तथा नालागढ़ उपमण्डल के स्थानीय अवकाश के सम्बन्ध में आदेश जारी कर दिए हैं। अर्की उपमण्डल में दानोघाट मेले के अवसर पर 28 मई, 2021 को तथा सायर मेला के उपलक्ष्य पर 16 सितम्बर, 2021 को स्थानीय अवकाश रहेगा। कण्डाघाट उपमण्डल में मेला सिद्ध बाबा, चायल के अवसर पर 14 जून, 2021 को तथा मेला गुगामाड़ी, कण्डाघाट के अवसर पर 31 अगस्त, 2021 को स्थानीय अवकाश रहेगा। नालागढ़ उपमण्डल में मेला पीर स्थान के अवसर पर 13 जनवरी, 2021 को तथा मेला शीतला माता के अवसर पर प्रथम जून, 2021 को स्थानीय अवकाश रहेगा।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा आयुष मन्त्री डाॅ. राजीव सैजल ने सोलन जिला के नालागढ़ उपमण्डल के सैनिक कुलदीप सिंह की शहादत पर गहरा शोक व्यक्त किया है। 41 वर्षीय सैनिक कुलदीप सिंह केन्द्र शासित प्रदेश लद्दाख के चिशमोले में आपरेशन स्नो लैपर्ड के दौरान वीरगति को प्राप्त हुए। हवलदार कुलदीप सिंह नालागढ़ उपमण्डल के जगतपुर के जोघों गांव के निवासी थे। डाॅ.सैजल ने कहा कि हवलदार कुलदीप ने शौर्य और बलिदान की उच्च परम्पराओं का निर्वहन किया है और उनका बलिदान सदैव याद रखा जाएगा। आयुष मन्त्री ने परमपिता परमात्मा से दिवंगत आत्मा की शांति तथा शोक संतप्त परिजनों को इस असहनीय दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की है। उप निदेशक सैनिक कल्याण, सोलन से प्राप्त सूचना के अनुसार हवलदार कुलदीप सिंह का पार्थिव शरीर रविवार प्रातः चण्डीगढ़ लाया जाएगा। तदोपरान्त पूरे राजकीय एवं सैन्य सम्मान के साथ जोघों में उनकी अन्तेयष्टि की जाएगी।
हिमचाल में बर्ड फ्लू के बढ़ते कहर ने चिकन के व्यवसाय को बड़ा झटका दिया है। प्रदेश पहले से ही कोरोना संकट से जूझ रहा है और अब बर्ड फ्लू की दस्तक ने मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। बर्ड फ्लू के खौफ से हिमाचल प्रदेश में चिकन और अंडों की डिमांड तेजी से घट रही है। प्रदेश में चिकन की मांग में करीब 50 से 70 फीसदी कमी आई है। इस कारण चिकन के दामों में भरी गिरावट देखने को मिल रही है। उधर, दामों में भारी गिरावट के बावजूद लोग चिकन और अंडों का सेवन करने से फिलहाल परहेज कर रहे हैं। पोल्ट्री का कारोबार करने वाले व्यापारियों के व्यवसाय पर इसका असर साफ दिख रहा है। प्रदेश के शिमला, सोलन, मंडी व कांगड़ा जिलों में चिकन-अंडों की मांग में भरी गिरावट देखी गई। शिमला शहर में चिकन-अंडों की मांग 15 से 20 फीसदी तक घट गई है। मंडी जिले में बर्ड फ्लू की आशंका से अंडे, चिकन और मछली के कारोबार में 50 प्रतिशत की गिरावट आई है। मांग कम हो गई है और दाम भी करीब 30 से 40 फीसदी तक गिर गए हैं। जबकि, कांगड़ा जिला में चिकन के दाम में 70 से 80 रुपये तक कम हुए हैं। मौजूदा समय में मुर्गे का मीट अब 100 रुपये प्रति किलो तक पहुंच चुका है। बावजूद इसके लोग चिकन खरीदने से परहेज कर रहे हैं। कई क्षेत्रों में थोक में मुर्गा 60 रुपये प्रति किलो के नीचे आ गया है। सोलन जिला में लोगों ने अंडे और चिकन की खरीद कम कर दी है। कारोबार 70 फीसदी कम हो गया है। चंबा व हमीरपुर में भी दो दिनों के भीतर ही चिकन और अंडे की मांग काफी कम हो गई है। वहीँ, इन सभी जिलों में पनीर, खोया और मटर की डिमांड बढ़ गई है।
सोलन जिला के नालागढ़, जगतपुर पंचायत के गांव जगराला के, 41 वर्षीय बटालियन हवलदार मेजर कुलदीप सिंह, द्रास में शहीद हो गए हैं। कुलदीप सिंह ने ऑप्रेशन स्नो लैपर्ड के तहत शहादत पाई है। शहीद कुलदीप सिंह के दादा दौला सिंह भी स्वतंत्रता सेनानी थे। कुलदीप सिंह की शहादत पर नालागढ़ क्षेत्र में गम का माहौल है। जानकारी अनुसार 10 जुलाई, 1999 को सेना में भर्ती हुए कुलदीप सिंह में बचपन से ही देश सेवा का जज्बा था। उनके बड़े भाई सुरेंद्र सिंह बीएसएफ से सेवानिवृत्त हुए हैं। इसके अलावा चचेरे भाई भी सेना में तैनात हैं। 79 मीडियम आर्टिलरी रैजीमैंट में तैनात कुलदीप सिंह की पार्थिव देह आज पैतृक गांव पहुंचने की उम्मीद है।
दाड़लाघाट पुलिस ने कराड़ाघाट में एक दुकान से अवैध देसी शराब की 15 बोतलें बरामद की। प्राप्त जानकारी के अनुसार एचएचओ जीत सिंह अपनी टीम के मुख्य आरक्षी सुनील, आरक्षी पवन कुमार, गृह रक्षक मनोहर लाल और चालक गृह रक्षक चेतन के साथ कराड़ाघाट में एक दुकान से गुप्त सूचना के आधार पर छापा मारा और दुकान के नीचे बने स्टोर की तलाशी लेने पर वहां पर छुपाई बंद गत्ता पेटी से 12 बोतल देसी शराब और एक अन्य खुली गत्ता पेटी से 3 बोतलें मार्का संतरा देसी शराब बरामद की। पुलिस ने दुकानदार के विरुद्ध आबकारी अधिनियम के अंतर्गत मामला दर्ज कर दिया है। मामले की पुष्टि डीएसपी दाड़लाघाट प्रताप सिंह ठाकुर ने की है।
बाघल विकास परिषद् के प्रधान परस राम की अध्यक्षता में गांव ग्याणा में एक आम बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रधान परस राम ने बताया कि डीसी सोलन को एक ज्ञापन सौंपा गया है, जिसमें मांग की गई है कि 1992 में सरकार और अंबुजा के बीच जो लिखित समझौते हुए हैं उनको निष्पक्ष रूप से लागू किया जाए। उन्होंने बताया कि हमारी इन सभी बातों को उपायुक्त सोलन ने ध्यानपूर्वक सुना और कहा कि शीघ्र ही आपकी समस्याओं का निपटारा किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शीघ्र ही इस बारे एसडीएम को कहा जाएगा कि अंबुजा सीमेंट कम्पनी के साथ बैठक करे और सभी समस्याओं का समाधान करके उसकी प्रतिलिपि उपायुक्त कार्यालय सोलन को भेजी जाए। उन्होंने कहा कि अंबुजा में लैंड लूजर व प्रभावित परिवारों को रोजगार, अंबुजा माइनिंग में कॉन्ट्रैक्ट वर्क लैंड लूजर परिवारों को देने,लैंड लूजर व प्रभावित परिवारों को मुफ्त स्वास्थ्य सुविधा और शिक्षा व पीने योग्य पानी जो कि यह सभी शर्ते अंबुजा सीमेंट कंपनी 1992 में लिखित रूप से मानी थी। बाघल विकास परिषद के प्रधान ने कहा कि उपायुक्त सोलन से बात करके उन्हें अपनी समस्याओं का हल निकलने की उम्मीद बंधी है।
अल्ट्राटेक कम्युनिटी फाउंडेशन द्वारा संगिनी महिला मंडल के सहयोग से संचालित सिलाई प्रशिक्षण, डिटर्जन पाउडर, फिनाइल मल्टीपरपज लिक्विड सोप के प्रशिक्षण शिविर का आज समापन हो गया। इस समापन अवसर पर प्रमाण पत्र एवं पारितोषिक वितरण का आयोजन बागा सीमेंट प्लांट परिसर में किया गया। इस दौरान मुख्य अतिथि के रूप में पूनम गुप्ता ने शिरकत की। कार्यक्रम में संगिनी महिला मंडल की अध्यक्षा मुकुल चौहान एवं सामाजिक उत्तरदायित्व कार्यक्रम के प्रभारी कुलीन देशमुख विशेष रूप से उपस्थित रहे। इस मौके पर सिलाई प्रशिक्षण, डिटर्जेंट प्रशिक्षण पाने वाली 48 महिलाओं को प्रमाण पत्र एवं पारितोषिक देकर सम्मानित किया गया। महिलाओं द्वारा की जा रही आय संवर्धन गतिविधियों जैसे दुग्ध संग्रहण, डिटर्जेंट पाउडर सिलाई कार्य को लेकर संतोष व्यक्त किया गया। आने वाले समय में अधिक स्वयं सहायता समूह बनाकर आए संवर्धन की अनेकों गतिविधियों को अपने क्षेत्र में करने के लिए अथक प्रयास किए जाएंगे जिससे गांव का पैसा गांव में ही लगा रहेगा। संगिनी रीना शर्मा द्वारा दुग्ध संग्रहण एवं वितरण, राजलक्ष्मी द्वारा सिलाई प्रशिक्षण एवं सुखदेई चौहान द्वारा डिटर्जेंट पाउडर बनाने की प्रक्रिया, मार्केटिंग विषयों पर अपने अनुभवों का आदान-प्रदान किया गया। संभागीयों द्वारा आने वाले समय में ब्यूटी पार्लर, बुनाई कार्य, इंग्लिश स्पोकन क्लास का आयोजन भी किया जाएगा। कार्यक्रम का संचालन अल्ट्राटेक फाउंडेशन की रिचा ठाकुर द्वारा किया गया और सिलाई कार्य के साथ-साथ महिलाओं के उत्थान हेतु और क्या मुख्य गतिविधियां हो सकती है, उनको मंच के माध्यम से भी साझा किया गया।
हिमाचल प्रदेश के समीप के राज्यों में पक्षियों की असमान्य मृत्यु तथा प्रदेश के कांगड़ा जिला में पौंग वेट लैण्ड में वर्ड फ्लू की पुष्टि के उपरान्त सोलन जिला में इस दिशा में आवश्यक कार्यवाही की जा रही है। यह जानकारी पशुपालन विभाग के उपनिदेशक डाॅ. बीबी गुप्ता ने दी। डाॅ. गुप्ता ने कहा कि किसी भी सम्भावित खतरे से निपटने के लिए जिला सोलन में कार्य करने वाली सभी पांच रेपिड रिस्पाॅन्स टीमें अधिसूचित कर दी गई हैं। जिला में 01 रेपिड रिस्पाॅन्स टीम जिला स्तर पर तथा 04 रेपिड रिस्पाॅन्स टीमें उपमण्डल स्तर पर कार्यरत रहेंगी। उन्होंने कहा कि जिला स्तरीय रेपिड रिस्पाॅन्स टीम में डाॅ. अनीश कुमार (मोबाईल नम्बर-70184-09620), डाॅ. लोवित (मोबाईल नम्बर-89881-17987), डाॅ. वरूण पुरी (मोबाईल नम्बर-94186-44534), सत्य देव (मोबाईल नम्बर-98161-46211), अमित वर्मा (मोबाईल नम्बर-89880-62407) तथा जोगिन्द्र कार्यरत रहेंगे। डाॅ. गुप्ता ने कहा कि सोलन उपमण्डल तथा धर्मपुर में उपमण्डलीय रेपिड रिस्पाॅन्स टीम में डाॅ. उपेन्द्र भारद्वाज (मोबाईल नम्बर-94181-27244), डाॅ. नीरज (मोबाईल नम्बर-94184-82260), डाॅ. जयराम (मोबाईल नम्बर-94180-55446), अमर देव (मोबाईल नम्बर-98051-26496), प्रवीण (मोबाईल नम्बर-94181-49669) तथा राजेन्द्र कार्यरत रहेंगे। उन्होंने कहा कि कण्डाघाट उपमण्डल में उपमण्डलीय रेपिड रिस्पाॅन्स टीम में डाॅ. विजय पाठक (मोबाईल नम्बर-94184-51065), डाॅ. नितिन सहगल (मोबाईल नम्बर-94184-59840), अनिल (मोबाईल नम्बर-94183-23533) तथा सतपाल कार्यरत रहेंगे। उपनिदेशक ने कहा कि नालागढ़ उपमण्डल में उपमण्डलीय रेपिड रिस्पाॅन्स टीम में डाॅ. बीबी करकरा (मोबाईल नम्बर-94181-63577), डाॅ. सन्दीप (मोबाईल नम्बर-94181-74222), सुरेश (मोबाईल नम्बर-82191-95625), जयपाल (मोबाईल नम्बर-94180-33130) तथा राजकुमार कार्यरत रहेंगे। उन्होंने कहा कि अर्की उपमण्डल में उपमण्डलीय रेपिड रिस्पाॅन्स टीम में डाॅ. जोगिन्द्र वर्मा (मोबाईल नम्बर-94180-91632), डाॅ. मानवी चैधरी (मोबाईल नम्बर-70186-89506), सीताराम (मोबाईल नम्बर-94180-96043), दिनेश (मोबाईल नम्बर-94183-83419) तथा सुन्दर कार्यरत रहेंगे। डाॅ. गुप्ता ने कहा कि सभी टीमें अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में पक्षियों की अप्राकृतिक मौत के मामलों का अनुश्रवण करेंगी ताकि समयबद्ध उपाय किए जा सकें। सभी टीमों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में वैज्ञानिक पद्धति से पक्षियों की सैम्पलिंग करें। उन्होंने कहा कि जिला में कार्यरत सभी वरिष्ठ पशु चिकित्सकों, पशु चिकित्सकों तथा क्षेत्रीय कर्मियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने क्षेत्र में बाजारों में तथा क्षेत्र में आने वाले प्रवासी पक्षियों की असामान्य मृत्यु का नियमित अनुश्रवण करें। इस सम्बन्ध में नियमित रिपोर्ट उचित स्तर पर प्रेषित की जाए ताकि सम्भावित बर्ड फ्लू के खतरे से सफलतापूर्वक निपटा जा सके। उपनिदेशक ने कहा कि जिला के सभी वरिष्ठ पशु चिकित्सकों को निर्देश दिए गए हैं कि सीमांत क्षेत्रों, जल स्त्रोतों के समीप उपस्थित कुक्कुट, जंगली पक्षियों के निवास स्थान तथा पक्षी अभरयाण्यों में पक्षियों की निगरानी, योजना अनुसार करें। उन्होंने कहा कि सभी पशु चिकित्सकों को निर्देश दिए गए हैं कि किसी विशेष कुक्कुट इकाई अथवा गांव में सैम्पलिंग निर्धारित योजना के अनुसार ही की जाए। वरिष्ठ पशु चिकित्सकांे को पक्षियों के सीरम नमूने भेजने के निर्देश भी दिए गए हैं। डाॅ. गुप्ता ने कहा कि रेपिड रिस्पाॅन्स टीमों को व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण (पीपीई) किट भी उपलब्ध करवाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार एवं जिला प्रशासन के निर्देशानुसार पशुपालन विभाग बर्ड फ्लू के सम्भावित खतरे से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है और इस दिशा में हर सम्भव प्रयास किया जा रहा है।
हिमाचल प्रदेश में कोरोना महामारी के बाद अब बर्ड फ्लू ने दस्तक दी है। इसको लेकर अब प्रदेश भर में अलर्ट जारी है। इसी बीच बुधवार को कालका-शिमला राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर चक्की मोड़ के पास 300 से ज्यादा मरे हुए मुर्गे-मुर्गियां मिले हैं। आशंका जताई जा रही है की किसी अज्ञात व्यक्ति ने इन्हे मंगलवार की देर रात यहाँ फेंका होगा। जब अगली सुबह लोगों ने इन्हे यहाँ देखा तो आस पास इलाके में हड़कंप मचा गया। इसके बाद तुरंत प्रशासन को सूचित किया गया। इन मर पक्षियों के सैंपल लेकर जांच के लिए जालंधर भेज दिए गए हैं। मरे हुए मुर्गे-मुर्गियों को गड्ढे में दबा दिया गया है। अब रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति साफ होगी कि इनकी मौत फ्लू से हुई है या किसी अन्य वजह से। वहीं पुलिस ने चक्की मोड़ के पास मरे हुए मुर्गे-मुर्गियां फेंकने वाले की तलाश शुरू करदी है। बता दें, हाईवे में यह पहला मामला नहीं है कि किसी ने मरे हुए मुर्गे-मुर्गियां फेंके हों। कोरोना के शुरुआती दौर में भी चक्की मोड़ से दत्यार के बीच काफी संख्या में मरे हुए मुर्गे फेंके गए थे। उधर, कांगड़ा के पौंग डैम में मृत प्रवासी पक्षियों की संख्या बढ़कर 3,055 हो गई है। बुधवार को भी यहाँ 300 और प्रवासी पक्षी मृत पाए गए। इन्हें गड्ढे में डालकर दबा दिया गया है। वन्यप्राणी विंग लगातार यहाँ दौरा कर रही है। वही, देहरादून से आई पक्षी विशेषज्ञों की टीम ने बुधवार को धमेटा व गुगलाडा के पास बांध क्षेत्र का दौरा किया। आज नगरोटा सूरियां में स्थिति का जायजा लिया जाएगा।
हिमाचल प्रदेश के समीप के राज्यों में पक्षियों की असमान्य मृत्यु तथा प्रदेश के कांगड़ा जिला में पौंग वेट लैण्ड में वर्ड फ्लू की पुष्टि के उपरान्त सोलन जिला में इस दिशा में सभी एहतियाती पग उठाए जा रहे हैं। यह जानकारी पशुपालन विभाग के उप निदेशक डाॅ. बीबी गुप्ता ने दी। डाॅ. गुप्ता ने कहा कि उपायुक्त सोलन केसी चमन ने इस मामले में प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उपनिदेशक ने कहा कि सोलन जिला में उपरोक्त के दृष्टिगत 01 जिला स्तरीय तथा 04 उपमण्डल स्तरीय रेपिड रिस्पाॅन्स टीमें गठित की गई हैं। उन्होंने कहा कि यह टीमें पक्षियों की असमान्य मृत्यु होने पर तुरन्त नमूने एकत्रित कर बर्ड फ्लू की पुष्टि के लिए इन्हें क्षेत्रीय रोग निदान प्रयोगशाला जालन्धर भेजेंगी। उन्होंने कहा कि जिला के सभी पशु चिकित्सकों को सिरों-सर्वेक्षण की आवृति बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि सोलन जिला की अन्तराज्यीय सीमा पर बीमार तथा मृत पक्षियों को ला रहे वाहनों का प्रवेश रोकने के लिए पशुपालन परिचारकों की टीम 24/7 तैनात रहेगी। डाॅ. गुप्ता ने कहा कि 06 जनवरी, 2021 को सोलन के परवाणू के समीप चक्की मोड़ पर लगभग 500 मृत पक्षी फैंके हुए पाए गए थे। बर्ड फ्लू की सम्भावना के दृष्टिगत मौके पर जिला स्तरीय रेपिड रिस्पाॅन्स टीम को भेजा गया। इस टीम ने निरीक्षण कर मृत पक्षियों के नमूने सम्भावित बर्ड फ्लू की पुष्टि के लिए क्षेत्रीय रोग निदान प्रयोगशाला जालन्धर भेजे तथा मृत पक्षियों को स्थापित नियमावली के अनुसार दबा दिया। उन्होंने कहा कि जिला के पशु पालन विभाग की टीम किसी भी सम्भावित खतरे से निपटने के लिए पूरी तरह से तैयार है।
सोलन जिला में पंचायती राज संस्थाओं के 17, 19 तथा 21 जनवरी, 2021 को होने वाले निर्वाचन के दृष्टिगत जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत) एवं उपायुक्त सोलन द्वारा नियमानुसार निर्धारित अवधि के लिए ‘ड्राई डे’ घोषित करने के सम्बन्ध में आदेश जारी किए गए हैं। इन आदेशों के अनुसार जिला के पंचायती राज संस्थाओं के किसी भी निर्वाचन क्षेत्र में मतदान समाप्त होने के लिए निर्धारित समय से 48 घण्टे पूर्व से किसी होटल, खान-पान के स्थान, मदिरालय, दुकान अथवा किसी सार्वजनिक या निजी स्थान पर किसी भी प्रकार के मादक द्रव्यों तथा मदिरा एवं अन्य नशीले पदार्थों का वितरण एवं विक्रय नहीं किया जा सकेगा। यह निर्देश निर्वाचन समाप्ति से 48 घंटे पूर्व से प्रभावी माने जाएंगे। 22 जनवरी, 2021 को पंचायत समिति एवं जिला परिषद सदस्यों के लिए होने वाली मतगणना के दिवस को भी ‘ड्राई डे’ घोषित किया गया है। जिले में पंचायती राज संस्थाओं के लिए तीन चरणों में 17 जनवरी, 19 जनवरी तथा 21 जनवरी, 2021 को प्रातः 08.00 बजे से सांय 04.00 बजे तक मतदान होगा। इन आदेशों की अवहेलना पर दोषी व्यक्ति को 06 माह तक की सज़ा अथवा जुर्माना हो सकता है। यह जुर्माना 02 हजार रुपए तक बढ़ाया जा सकता है। दोनों सजाएं एक साथ भी हो सकती हैं। यह आदेश हिमाचल प्रदेश पंचायती राज नियम 1994 की धारा 158 (आर) के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए जारी किए गए हैं।
सोलन जिला के कुनिहार विकास खण्ड की 19 ग्राम पंचायतों के पूर्व में अधिसूचित मतगणना स्थलों में परिवर्तन के सम्बन्ध में अधिसूचना जारी की गई है। सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत) ने द्वारा जारी अधिसूचना में कहा गया है कि ग्राम पंचायतों के मतगणना स्थल पूर्व में ग्राम पंचायत मुख्यालय (पंचायत घर) निर्धारित किए गए थे। इनमें अब परिवर्तन किया गया है। यह बदलाव कोविड-19 के अन्तर्गत जारी दिशा-निर्देशों के दृष्टिगत किए गए हैं। अधिसूचना के अनुसार अब ग्राम पंचायत बेरल की मतगणना राजकीय प्राथमिक पाठशाला सिहारली में होगी। ग्राम पंचायत बखालग की मतगणना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बखालग, ग्राम पंचायत बलेरा की मतगणना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बलेरा, ग्राम पंचायत हनुमान बड़ोग की मतगणना राजकीय उच्च पाठशाला हनुमान बड़ोग, ग्राम पंचायत बसन्तपुर की मतगणना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बसन्तपुर, ग्राम पंचायत भूमति की मतगणना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला भूमति, ग्राम पंचायत चाखड़ की मतगणना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बुघार, ग्राम पंचायत चम्यावल की मतगणना राजकीय माध्यमिक पाठशाला चम्यावल में की जाएगी। इसी प्रकार ग्राम पंचायत देवरा की मतगणना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मंज्याट, ग्राम पंचायत कशलोग की मतगणना राजकीय प्राथमिक पाठशाला कशलोग, ग्राम पंचायत कुनिहार की मतगणना राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुनिहार, ग्राम पंचायत मटेरनी की मतगणना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बनी, मटेरनी, ग्राम पंचायत पारनू की मतगणना राजकीय प्राथमिक पाठशाला पारनू, ग्राम पंचायत सानन की मतगणना राजकीय प्राथमिक पाठशाला सानन, ग्राम पंचायत संघोई की मतगणना राजकीय उच्च पाठशाला पकोटी (बांजन), ग्राम पंचायत सन्याड़ी मोड़ की मतगणना राजकीय उच्च पाठशाला छामला, ग्राम पंचायत सरयांज की मतगणना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सरयांज, ग्राम पंचायत शहरोल की मतगणना राजकीय उच्च पाठशाला शहरोल तथा ग्राम पंचायत सूरजपुर की मतगणना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सूरजपुर में की जाएगी।
बी.एल सेंट्रल पब्लिक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुनिहार से बारहवीं कक्षा विज्ञान संकाय के टॉपर छात्र मनीष शर्मा का एमबीबीएस (MBBS) राजकीय मेडिकल महाविद्यालय नाहन में चयन हो गया है। जानकारी देते हुए विद्यालय प्रबंधन समिति अध्यक्ष ने बताया की विद्यालय के लिए बड़े गर्व की बात है की इस वर्ष विद्यालय से विज्ञान संकाय के टॉपर छात्र मनीष शर्मा का एमबीबीएस में चयन हुआ है। उन्होंने कहा की मनीष शर्मा बहुत ही मेहनती छात्र है। उसी की कड़ी मेहनत, अध्यापकों के मार्ग दर्शन व् माता पिता के आशीर्वाद से उसका चयन हुआ है। विद्यालय अध्यक्ष ने बताया की इस विद्यालय कई छात्रों का एमबीबीएस चयन हुआ है I विद्यालय अध्यक्ष ने इस उपलब्धि के लिए छात्र मनीष शर्मा तथा उसके पिता संतोष शर्मा व् माता सुषमा देवी, अध्यापक वर्ग और विद्यालय प्रधानाचार्य को बधाई दी। विद्यालय मुख्याध्यापिका सुषमा शर्मा ने मनीष शर्मा को एमबीबीएस में चयन होने पर मिठाई खिलाकर और बूके देकर सम्मानित किया और उसके उज्जवल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा की मनीष शर्मा ने विद्यालय का, माता-पिता का, अपने गुरुओं का और इलाके का नाम रोशन किया है। विद्यालय अध्यापक अभिभावक संघ के अध्यक्ष रतन तनवर और सभी सदस्यों ने मनीष शर्मा के एमबीबीएस में चयन होने पर मनीष शर्मा और उसके अभिभावकों इस उपलब्धि के लिए बधाई दी। विद्यालय अध्यापक अभिभावक संघ के अध्यक्ष ने बताया की विद्यालय के लिए बड़े गर्व की बात की छात्र शिक्षा जगत के हर क्षेत्र में विद्यालय का और इलाके का नाम रौशन कर रहे है।
GNA University held a Webinar on Blockchain and Hands-on Ethereum. Dr. Mayank Aggarwal, Associate Professor & HoD CSE, Gurukul Kangri University, Haridwar was the Resource person for the Webinar. The main objective of the Webinar was to motivate the students to upgrade themselves with the latest technologies. Dr. Aggarwal, the Resource person introduced Blockchain to the students in a very interactive way. He explained about cryptocurrency and smart contracts that are being used globally. He even emphasized on learning this latest technology as it has started gaining pace in the industry and has a lot of scope to research or work upon. He demonstrated the concepts with the help of various live examples and also demonstrated some practicals on Ethereum Blockchain to the students. S. Gurdeep Singh Sihra, the Pro-Chancellor, GNA University remarked, “Despite the on-going unprecedented times, learning at GNA University has never taken a pause. I am happy to see the zeal of students to imbibe new and upgraded technologies.” Dr. Vikrant Sharma, Dean, FEDA-Engineering, GNA University, also participated in the session and thanked Dr. Aggarwal for the interactive session. He motivated the students to learn the latest technologies as it will help them gain a better place in the IT industry.
अभी कोरोना का खतरा पूरी टला नहीं की भारत में एक और बीमारी ने अपने पैर पसार लिए है, कोरोना महामारी के बीच अब भारत के कई राज्यों में बर्ड फ्लू के मामले बढ़ते जा रहे हैं। राजस्थान, मध्य प्रदेश, झारखंड, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश में इस वायरस को लेकर अलर्ट जारी कर दिया गया है। पोल्ट्री फार्म, जलाशयों और प्रवासी पक्षियों पर विशेष निगरानी रखने को भी कहा गया है। साथ ही संक्रमण वाली जगहों पर मांस बेचने पर भी प्रतिबंध लगाया जा रहा है। इस बर्ड फ्लू के आने के बाद लोगों में दहशत का माहौल है। हिमाचल में सात दिन के भीतर मृतक परिंदों का आंकड़ा 2,403 पहुंच गया है। दिसंबर 2020 में जापान, साउथ कोरिया, वियतनाम और चार यूरोपीय देशों में बर्ड फ्लू के मामले आने शुरू हुए थे और अब ये भारत के कई हिस्सों में फैल चुका है। ये वायरस सिर्फ पक्षियों के लिए ही नहीं बल्कि इंसानों के लिए भी घातक साबित हो सकता है। WHO द्वारा जारी की गई वार्निंग में भी बर्ड फ्लू को इंसानों के लिए घातक बताया गया है? आइए जानते हैं कि आखिर बर्ड फ्लू होता क्या है और ये कैसे फैलता है? क्या होता है बर्ड फ्लू बर्ड फ्लू एक वायरल इंफेक्शन है जिसे एवियन इन्फ्लूएंजा (Avian Influenza) भी कहते हैं। ये एक पक्षी से दूसरे पक्षियों में फैलता है। बर्ड फ्लू का सबसे जानलेवा स्ट्रेन H5N1 होता है। H5N1 वायरस से संक्रमित पक्षियों की मौत भी हो सकती है। ये वायरस संक्रमित पक्षियों से अन्य जानवरों और इंसानों में भी फैल सकता है और इनमें भी ये वायरस इतना ही खतरनाक है। इंसानों में बर्ड फ्लू का पहला मामला 1997 में हॉन्ग कॉन्ग में आया था। उस समय इसके प्रकोप की वजह पोल्ट्री फार्म में संक्रमित मुर्गियों को बताया गया था। 1997 में बर्ड फ्लू से संक्रमित लगभग 60 फीसदी लोगों की मौत हो गई थी। ये बीमारी संक्रमित पक्षी के मल, नाक के स्राव, मुंह की लार या आंखों से निकलने वाली पानी के संपर्क में आने से होती है। H5N1 बर्ड फ्लू इंसानों में होने वाले आम फ्लू की तरह एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में आसानी से नहीं फैलता है। एक इंसान से दूसरे इंसान में तभी फैलता है जब दोनों के बीच बहुत करीबी संपर्क हो। जैसे कि संक्रमित बच्चे की देखभाल करने वाली मां या घर के किसी अन्य संक्रमित सदस्य का ख्याल रखने वाले लोग। किन पक्षियों में होता है बर्ड फ्लू बर्ड फ्लू प्रवासी जलीय पक्षियों खासतौर से जंगली बतख से प्राकृतिक रूप से फैलता है। इन जंगली पक्षियों से ये वायरस घरेलू मुर्गियों में फैल जाता है। जंगली पक्षियों से ये बीमारी सूअरों और गधों तक भी फैल जाती है। साल 2011 तक ये बीमारी बांग्लादेश, चीन, मिस्र, भारत, इंडोनेशिया और वियतनाम में फैल चुकी थी। इंसानों में कैसे फैलता है बर्ड फ्लू इंसानों में कैसे फैलता है बर्ड फ्लू- बर्ड फ्लू इंसानों में तभी फैलता है जब वो किसी संक्रमित पक्षी के संपर्क में आए हों। ये करीबी संपर्क कई मामलों में अलग-अलग हो सकता है। कुछ लोगों में ये संक्रमित पक्षियों की साफ-सफाई से फैल सकता है। कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक, चीन में ये पक्षियों के बाजार से फैला था। संक्रमित पक्षियों से दूषित पानी में तैरने-नहाने या मुर्गों और पक्षियों की लड़ाई छुड़वाने वाले लोगों में भी बर्ड फ्लू का संक्रमण हो सकता है। इसके अलावा संक्रमित जगहों पर जाने वाले, कच्चा या अधपका मुर्गा-अंडा खाने वाले लोगों में भी बर्ड फ्लू फैलने का खतरा होता है। H5N1 में लंबे समय तक जीवित रहने की क्षमता होती है। संक्रमित पक्षियों के मल और लार में ये वायरस 10 दिनों तक जिंदा रहता है। बर्ड फ्लू के लक्षण बर्ड फ्लू के लक्षण- बर्ड फ्लू होने पर आपको कफ, डायरिया, बुखार, सांस से जुड़ी दिक्कत, सिर दर्द, मांसपेशियों में दर्द, गले में खराश, नाक बहना और बेचैनी जैसी समस्या हो सकती है। अगर आपको लगता है कि आप बर्ड फ्लू की चपेट में आ गए हैं तो किसी और के संपर्क में आने से पहले डॉक्टर को दिखाएं। क्या है इलाज अलग-अलग तरह के बर्ड फ्लू का अलग-अलग तरीकों से इलाज किया जाता है लेकिन ज्यादातर मामलों में एंटीवायरल दवाओं से इसका इलाज किया जाता है। लक्षण दिखने के 48 घंटों के भीतर इसकी दवाएं लेनी जरूरी होती हैं। बर्ड फ्लू से संक्रमित व्यक्ति के अलावा, उसके संपर्क में आए घर के अन्य सदस्यों को भी ये दवाएं ली जाने की सलाह दी जाती है, भले ही उन लोगों में बीमारी के लक्षण ना हो। कैसे करें बचाव जो भी बचाव के तरीके हम कोरोना महामारी के लिए इस्तेमाल कर रहे है जैसे मास्क लगाना, संक्रमितों से दुरी बनाएं रखना, सांइटिज़ेर का इस्तेमाल करना, ये सभी आदतें हमें बर्ड फ्लू से बचा सकती है। इसके साथ ही हमें संक्रमण वाली जगहों पर जाने से बचना चाहिए, अधपक्के मास का सेवन नहीं करना चाहिए।
An event on plant sale and planting advisory was organized today at the Dr.YS Parmar University of Horticulture and Forestry(UHF), Nauni. The event was organized to ensure that the farmers follow the correct scientific advisory while raising new fruit plantations. The event was held along with the University’s annual sale of temperate fruits planting material which began today at the University's main campus and Krishi Vigyan Kendra(KVK) Solan. The event was held in both online and offline mode. The farmers who had reached the university to buy plants attended the event at three different venues. Farmers and scientists from KVKs and research stations located in the different districts of the state along with the College of Horticulture and Forestry located at Thunag and Neri also joined the event virtually. UHF Vice-Chancellor Dr. Parvinder Kaushal was the chief guest on the occasion. Dr. PK Mahajan, Director of Extension Education while welcoming the chief guest and farmers said that the university has been continuously devising new methods to effectively reach the farmers. He said that this special event on planting advisory will be of immense help to the growers while raising new orchards and protecting them from insects, pests, and diseases. In his address, Dr. Kaushal said, “The farmers hold a lot of trust in the planting material prepared by the university, and thus there is a huge demand for it from throughout the country. The university too, on its part, has been continuously increasing the number of plants supplied to the farmers each, and efforts were underway to further add to this number in the coming years.” He added that good-quality planting material was a prerequisite for ensuring good returns in horticulture and therefore it was important that the farmers follow the scientific advisories for planting, crop production and protection. Videos on layout and planting of fruit crops, a natural farming system for fruit plants, varieties in apple and mango were also played during the event. The first technical session on crop production covered topics like nursery management, location-specific varieties, and kiwi fruit production were held. The second technical session was on crop protection and covered important diseases, insects and pests, and their management. The plant sale of the university was also conducted smoothly while ensuring strict compliance with COVID 19 guidelines. Only a limited number of farmers who had applied for plants by filling the online demand form within the stipulated date were called to the university. The allotment list for each day is being uploaded on the university website along with the number of allotted plants along with time and the name of the university nursery from where the plants can be collected.
दाड़लाघाट। पुलिस थाना दाड़लाघाट के अंतर्गत एनडीपीएस एक्ट के तहत एक मामला दर्जकर अभियुक्त को गिरफ्तार किया गया है। सोमवार को जब दाड़ला पुलिस मुख्य आरक्षी सुनील कुमार की अगुवाई में छामला के समीप एनएच 205 पर यातायात की चैकिंग कर रही थी, तो पुलिस को कैलाश चंद पुत्र कन्हैया लाल निवासी कवांरला डाकघर नवगांव तहसील अर्की जिला सोलन की कार नंबर एचपी-11ए- 6725 से 80 ग्राम अफीम बरामद की। जिस पर आरोपी कैलाश चंद के खिलाफ पुलिस थाना दाड़लाघाट में एनडीपीएस एक्ट के अधीन मामला दर्ज कार उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। एसएचओ दाड़लाघाट जीत सिंह के अनुसार अभी कुछ रोज पूर्व नशामुक्ति पर एक ऐप डाऊनलोड की गई है जिसके अच्छे परिणाम सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह अभियान आगे भी इसी प्रकार बदस्तूर जारी रहेगा। डीएसपी दाड़लाघाट प्रताप सिंह ठाकुर ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपी को मंगलवार को अदालत में पेश किया गया।
- सोलन निर्वाचन क्षेत्र के तहत आते हैं 4 जिला परिषद् वार्ड - 6 जनवरी पर टिकी सबकी निगाहें - कल के बाद बदल सकते हैं राजनैतिक समीकरण कल 6 जनवरी को पंचायत चुनाव के लिए नामांकन वापसी की अंतिम तिथि हैं। दोनों मुख्य राजनैतिक दलों की नज़र कल के दिन पर टिकी हैं खासतौर से जिला परिषद् चुनाव को लेकर। बेशक चुनाव पार्टी सिंबल पर नहीं हो रहे पर दोनों राजनैतिक दल इसे 2022 के सेमिफाइनल के तौर पर ले रहे हैं। कही बागियों ने राजनैतिक दलों की नींद उड़ाई हैं तो कही निर्दलीय उम्मीदवारों ने। पुरे प्रदेश में कमोबेश ऐसी ही स्थिति हैं और सोलन भी इससे इतर नहीं हैं। सोलन : कहीं कांग्रेस का चैन उड़ाया तो कहीं भाजपा की नींद सोलन निर्वाचन क्षेत्र की बात करें तो इसके तहत पूर्ण या आंशिक तौर पर जिला परिषद् की चार सीटें आती हैं। सलोगड़ा जिसके तहत आने वाली सभी 14 पंचायतें सोलन निर्वाचन क्षेत्र का हिस्सा हैं। सिरिनगर जिसके तहत 20 पंचायतें आती हैं और सभी सोलन निर्वाचन क्षेत्र का ही हिस्सा हैं। तीसरा जिला परिषद् वार्ड हैं कुनिहार जिसके तहत आने वाली 15 में से 6 पंचायतें सोलन निर्वाचन क्षेत्र के अधीन आती हैं और चौथा वार्ड हैं सपरून जहाँ 17 में से 4 पंचायतें सोलन निर्वाचन क्षेत्र में आती हैं। इन चारों जिला परिषद् वार्डों में बागियों और आज़ाद उम्मीदवारों ने ताल ठोकी हैं और कहीं कांग्रेस समर्थित प्रत्याशियों का का चैन चुराया हुआ हैं तो कही भाजपा समर्थित प्रत्याशियों की नींद। ऐसे में दोनों ही दलों की तरफ से रूठे हुए लोगों को मनाने का अंतिम प्रयास किया जा रहा हैं ताकि चुनाव में संभावित नुक्सान को कम किया जा सके। सलोगड़ा वार्ड : मनोज की मौजूदगी से किसे नुक्सान! सलोगड़ा वार्ड में भाजपा ने एक बार फिर कुमारी शीला को समर्थन देकर मैदान में उतारा हैं। तो कांग्रेस ने विकास पुरुष की छवि वाले नौणी प्रधान बलदेव ठाकुर पर दांव खेल इस मुकाबले को बेहद रोचक बना दिया हैं। इन दोनों के अलावा एक निर्दलीय प्रत्याशी भी चर्चा में हैं वो हैं मनोज वर्मा। कई राजैनतिक पंडित उन्हें कुमारी शीला के लिए वोट कटवा मान रहे हैं तो कई बलदेव ठाकुर के लिए। वहीं कुछ लोग उन्हें जिताऊ भी मानते हैं। सबका अपना - अपना आंकलन हैं। अब मनोज कल मैदान से वापस हटते हैं या ठीके रहते हैं ये देखना दिलचस्प होगा। सपरून वार्ड: त्रिकोणीय मुकाबले में भाजपा को चिंता! सपरून वार्ड से भाजपा से तीर्थ राम उम्मीदवार हैं लेकिन पार्टी विचारधारा से मेल रखने वाले अनिल कपिल ने मैदान में उतर कर उनकी परेशानी बढ़ा दी है। अनिल कपिल का अपना जनाधार हैं और जानकार मानते हैं कि विशेषकर कुछ पंचायतों में अनिल कपिल की मौजूदगी भाजपा को नुक्सान पहुंचा सकती हैं। कांग्रेस उम्मीदवार की बात करें तो यहाँ से राजिंदर सिंह मैदान में हैं जिनके नाम पिछले चुनाव में बतौर बीडीसी रिकॉर्ड जीत दर्ज हैं। ऐसे में यदि अनिल कपिल भी यदि मैदान में डटे रहते हैं ये त्रिकोणीय मुकाबला बेहद रोचक होने की उम्मीद हैं। सिरिनगर वार्ड: बागी उम्मीदवार ने चुराई कांग्रेस की नींद! सिरिनगर वार्ड में भी एक बागी हैं जिस पर सबकी निगाहें टिकी हैं। फ़र्क़ इतना हैं की यहाँ बगावत कांग्रेस में हुई हैं। दरअसल, कंडाघाट से सम्बन्ध रखने वाले वरिष्ठ कांग्रेस नेता रमेश ठाकुर अपनी पत्नी लीला देवी ठाकुर के लिए कांग्रेस का समर्थन मांग रहे थे, पर विधायक कर्नल धनीराम शांडिल का समर्थन मिला नारायण सिंह की पत्नी निर्मला ठाकुर को। रमेश ठाकुर और उनके परिवार को ये निर्णय नागवार गुजरा और लीला देवी ठाकुर बिना कांग्रेस के समर्थन के ही मैदान में उतर गई। उधर भाजपा ने यहाँ से सुनीता रोहाल को मैदान में उतारा हैं, और रोहाल भी मजबूत उम्मीदवार हैं। यानी अब मुकाबला त्रिकोणीय हो चूका हैं। माना जा रहा हैं की कांग्रेसी खेमा कोशिश कर रहा हैं की लीला देवी नामांकन वापस ले। अगर ऐसा नहीं होता हैं तो जानकार मानते हैं कि कांग्रेस के दो दिग्गजों की लड़ाई में रोहाल को फायदा हो सकता हैं। हालांकि तीनों उम्मीदवार जीतने का दमखम रखते हैं। कुनिहार वार्ड: यहाँ कांग्रेस एकजुट, तो भाजपा में अंतर्कलह जिला परिषद् के कुनिहार वार्ड में भी निगाहें बागियों पर टिकी हैं। यहाँ सोलन भाजपा का बड़ा नाम रविंद्र परिहार मैदान में हैं जिनके मुकाबले कांग्रेस ने भी एक युवा और सशक्त उम्मीदवार विवेकानंद परिहार पर दांव खेला हैं। यहाँ बगावत की आग से भाजपा को झुलसने का डर हैं। दरअसल भाजपा के ही अमर सिंह ठाकुर यहाँ से बतौर निर्दलीय मैदान में हैं जिनकी एक क्षेत्र विशेष में अच्छी पकड़ हैं। यदि अमर सिंह ठाकुर मैदान में डटे रहते हैं और भाजपा समर्थित प्रत्याशी के लिए वोट कटवा सिद्ध होते हैं तो कांग्रेस समर्थित प्रत्याशी को फायदा स्वाभाविक हैं। अमर सिंह भी दोनों अन्य प्रत्याशियों से कमतर नहीं हैं और न ही ये चुनाव पार्टी सिंबल पर हैं, सो यहाँ कुछ भी मुमकिन हैं। फिलवक्त सबकी नज़रें बुधवार पर टिकी हैं। कितने निर्दलीय और बागी मैदान से हटते हैं और कितने टिक कर मुकाबला करते हैं ये तो नामांकन वापसी के बाद ही पता चलेगा। नामांकन वापसी के बाद कटने समीकरण बदलेंगे।
उपायुक्त सोलन केसी चमन ने कहा कि जिला के विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के निरन्तर प्रयासों तथा आमजन के सहयोग से कोविड-19 महामारी से जन-जन को बचाने की दिशा में सफल कार्य किया जा रहा है। केसी चमन ने कहा कि सोलन जिला में अभी तक कोविड-19 की जांच के लिए 79382 परीक्षण किए गए हैं। जिला में अभी तक कोविड-19 के कुल 6511 मामले पाॅजिटिव पाए गए हैं। उन्होंने कहा कि इनमें से 6281 व्यक्ति स्वस्थ हो गए हैं। वर्तमान में जिला में कोविड-19 के 161 मामले सक्रिय हैं। उन्होंने कहा कि जिला में कोरोना वायरस संक्रमण से 69 व्यक्तियों की मृत्यु हुई है। उपायुक्त ने कहा कि सोलन जिला में कोविड-19 महामारी से स्वस्थ होने की दर 96.46 प्रतिशत है। जिला में कोरोना वायरस संक्रमण से मृत्यु दर 1.05 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के निर्देश पर जिला में कोरोना वायरस संक्रमण के साथ-साथ तपेदिक एवं कुष्ठ रोग जैसी बीमारियों का पता लगाने के लिए हिमसुरक्षा अभियान कार्यान्वित किया जा रहा है। केसी चमन ने कहा कि सोलन जिला में 03 जनवरी, 2021 तक हिमसुरक्षा अभियान के तहत लगभग 95 प्रतिशत जनसंख्या की स्क्रीनिंग की गई है। जिला में इस अवधि में 06 लाख 01 हजार 827 व्यक्तियों की कोविड-19 के साथ-साथ तपेदिक तथा कुष्ठ रोग जैसी बीमारियों के लिए जांच की गई है। बता दें कि सोलन जिला में इस अवधि में 4275 व्यक्तियों में कोविड-19 संक्रमण जैसे लक्षण मिले हैं। इन सभी व्यक्तियों का कोविड-19 के लिए परीक्षण कर स्वास्थ्य प्रक्रिया अमल में लाई जा रही है। उन्होंने कहा कि अभियान के तहत सोलन जिला में 2281 व्यक्तियों में तपेदिक तथा 230 व्यक्तियों में कुष्ठ रोग जैसे लक्षण सामने आए हैं। स्वास्थ्य प्रोटोकाॅल के अनुसार इन सभी का उचित परीक्षण किया जा रहा है। उपायुक्त ने कहा कि हिमसुरक्षा अभियान के माध्यम से जहां जिले की शत-प्रतिशत जनसंख्या की स्क्रीनिंग सुनिश्चित बनाई जा रही है। वहीं यह प्रयास भी किया जा रहा है कि बीमारियों के लक्षण के अनुरूप परीक्षण कर रोगियों को दवा एवं स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध करवाई जाए।
हिमाचल प्रदेश राज्य मंत्रिमंडल की बैठक मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर की अध्यक्षता में आयोजित हुई। मंत्रिमंडल ने भारत में कोरोना वैक्सीन के प्रयोग को अनुमति देने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का आभार व्यक्त करने के लिए प्रस्ताव पारित किया। इससे भारत विश्व के अन्य देशों में अग्रणी बना है। मंत्रिमण्डल ने आत्मनिर्भर भारत अभियान के तहत वैक्सीन के उत्पादन के लिए देश के वैज्ञानिकों का भी आभार व्यक्त किया। मंत्रिमण्डल ने अमेरिका की डेटा फर्म माॅर्निंग कंसल्ट द्वारा देश में कोविड-19 महामारी को प्रभावी ढंग से नियंत्रित करने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को दुनिया भर में सर्वश्रेष्ठ और सबसे लोकप्रिय राजनेता आंके जाने पर बधाई दी है। मंत्रिमण्डल ने शिमला, कांगड़ा, मण्डी और कुल्लू जिलों में लगाए गए रात्रि क्फ्र्यू को हटाने और प्रदेश के सभी सरकारी कार्यालयों में पहले की तरह छः दिन के कार्य दिवस को बहाल करने का निर्णय लिया। मंत्रिमण्डल ने राज्य में प्रशिक्षण कक्षाओं को 50 प्रतिशत क्षमता के साथ अनुमति प्रदान करने का निर्णय लिया। इसके लिए राज्य शिक्षा विभाग द्वारा मानक संचालन प्रक्रिया जारी की जाएगी। राज्य निर्वाचन आयोग के आग्रह पर मंत्रिमण्डल ने आंतरिक बैठकों में 50 से अधिक लोगों को अनुमति नहीं देने की शर्त में छूट देने का निर्णय लिया है। इससे आयोग को चुनाव से सम्बन्धित प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रभावी तरीके से चलाने में मदद मिलेगी। राज्य में कोविड-19 की परिस्थिति के दृष्टिगत मंत्रिमण्डल ने आईजीएमसी शिमला, सीएचसी नालागढ़ और डाॅ. राजेन्द्र प्रसाद राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय टांडा मंे मेक शिफ्ट अस्पतालों को कार्यशील बनाने का निर्णय लिया। इसके लिए वार्ड सिस्टर, स्टाफ नर्सों, डीईओज और चतुर्थ श्रेणी को कुछ समय के लिए आउट सोर्स आधार पर जबकि चिकित्सा अधिकारियों की व्यवस्था फ्रेश अथवा सीधे वाॅक इन इन्टरव्यू के माध्यम से की जाएगी। भविष्य में कोविड की परिस्थिति के दृष्टिगत एचएलएल के प्रस्ताव को अस्थगित रखने का निर्णय लिया गया है। मंत्रिमण्डल ने राज्य में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना, हिम केयर योजना और राजकीय चिकित्सा प्रतिपूर्ति योजना के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए निजी अस्पतालों के पंजीकरण हेतु सिंगल विंडो एम्पेन्लमेंट शुरू करने को भी स्वीकृति प्रदान की। मंत्रिमण्डल के समक्ष बागवानी विभाग ने मार्च, 2021 तक छः माह के लक्ष्यों और अपै्रल, 2021 से मार्च, 2022 तक के लक्ष्यों के बारे में प्रस्तुति दी। इस अवसर पर पशु पालन विभाग ने भी एवियन इन्फ्लुएंजा के बारे में प्रस्तुति दी। मंत्रिमण्डल ने स्वास्थ्य और पशु पालन विभाग को एवियन फ्लू की उचित दवाओं और कर्मचारियों के लिए पीपीई किट की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने का परामर्श दिया। मंत्रिमण्डल ने उपायुक्त जिला कांगड़ा द्वारा आवागमन के लिए लगाए गए प्रतिबन्धों की सख्ती से अनुपालना करने की सलाह दी।
सोलन जिला में 10 जनवरी, 2021 को 03 नगर परिषदों एवं 01 नगर पंचायत के लिए मतदान होगा। यह जानकारी आज यहां अतिरिक्त उपायुक्त एवं निर्वाचन के लिए नोडल अधिकारी अनुराग चन्द्र शर्मा ने दी। अनुराग चन्द्र शर्मा ने कहा कि 10 जनवरी, 2021 को सोलन जिला की नगर परिषद नालागढ़, नगर परिषद बद्दी, नगर परिषद परवाणू तथा नगर पंचायत अर्की के लिए मतदान होगा। उन्होंने कहा कि इन 03 नगर परिषदों एवं नगर पंचायतों के लिए 31,320 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि नगर परिषद नालागढ़ के 09 वार्डों में कुल 7503 मतदाता, नगर परिषद बद्दी के 09 वार्डों में कुल 15118 मतदाता, नगर परिषद परवाणू के 09 वार्डों में कुल 6530 मतदाता तथा नगर पंचायत अर्की के 07 वार्डों में कुल 2169 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। उन्होंने कहा कि नगर परिषद नालागढ़ में 09, नगर परिषद बद्दी में 14, नगर परिषद परवाणू में 09 तथा नगर पंचायत अर्की में 07 मतदान केन्द्र स्थापित किए गए हैं। अनुराग चन्द्र शर्मा ने कहा कि इन चुनावांे के लिए कुल 133 नामांकन प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि नगर परिषद बद्दी के लिए 47, नगर परिषद नालागढ़ के लिए 41, नगर परिषद परवाणू के लिए 25 तथा नगर पंचायत अर्की के लिए 20 नामांकन प्राप्त हुए। उन्होंने कहा कि त्रुटिरहित मतदान के लिए कुल 39 पोलिंग पार्टियां कार्यरत रहेंगी। अनुराग चन्द्र शर्मा ने कहा कि तीनों नगर परिषदों तथा 01 नगर पंचायत के लिए मतदान इलैक्ट्राॅनिक वोटिंग मशीन के माध्यम से होगा। उन्होंने कहा कि ईवीएम की प्रथम स्तरीय जांच 02 जनवरी, 2020 को पूर्ण कर ली गई है। उन्होंने कहा कि आज सम्बन्धित रिटर्निंग अधिकारियों द्वारा पोलिंग पार्टियों का प्रथम पूर्वाभ्यास पूर्ण कर लिया गया है। अन्तिम पूर्वाभ्यास 09 जनवरी, 2021 को किया जाएगा। उन्होंने कहा कि तीनों नगर परिषदों और 01 नगर पंचायत के लिए मतदान 10 जनवरी 2021 को प्रातः 8.00 बजे से सांय 4.00 बजे तक होगा। मतगणना मतदान समाप्त होने के तुरन्त बाद की जाएगी।
राष्ट्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) द्वारा आज सोलन जिला के बोहली में स्वयं सहायता सूमहों के लिए एक कार्यशाला आयोजित की गई। यह जानकारी नाबार्ड के जिला विकास प्रबन्धक अशोक चैहान ने दी। अशोक चैहान ने कहा कि कार्यशाला में स्वयं सहायता समूहों की अवधारणा पर विस्तार से प्रकाश डाला गया। कार्यशाला में स्वयं सहायता समूहों के पदाधिकारियों के दायित्वि, बही खाता एवं परिचालन इत्यादि में पारदर्शिता पर सारगर्भित जानकारी प्रदान की गई। कार्यशाला में नाबार्ड द्वारा कार्यान्वित की जा रही विभिन्न योजनाआंे की जानकारी भी दी गई। उन्हांेने कहा कि कार्यशाला में प्रतिभागियों को रूरल मार्ट, हाट के साथ-साथ सूक्ष्म उद्यमिता विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम तथा कृषक उत्पादक संगठन के विषय में अवगत करवाया गया। कार्यशाला में अंजू द्वारा स्वयं सहायता समूहों के पदाधिकारियों को बही खाता, कार्यवाही रजिस्टर तैयार करने का प्रशिक्षण प्रदान किया गया। यूको आरसेटी के निदेशक रोहित कश्यप ने यूको आरसेटी द्वारा चलाए जा रहे प्रशिक्षण कार्यक्रम की जानकारी प्रदान की। जिला के अग्रणी बैंक यूको बैंक के प्रबन्धक के.के. जसवाल ने कार्यशाला में बैंकों द्वारा कार्यान्वित की जा रही सामाजिक सुरक्षा योजनाओं, अटल पैंशन योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना सहित किसान क्रेडिट कार्ड की जानकारी दी। कार्यशाला में हिमाचल प्रदेश ग्रामीण बैंक बड़ोग के शाखा प्रबन्धक लविश कपूर, जागृति वेल्फेयर सोसायटी की नेहा ठाकुर सहित विभिन्न स्वयं सहायता समूहों के पदाधिकारी व सदस्य उपस्थित थे।
प्रदेश सर्व अनुबंध कर्मचारी महासंघ पिछले 3 वर्ष से प्रदेश सरकार से अनुबंध कार्यकाल को 3 वर्ष से 2 वर्ष करने की मांग कर रहे हैं। पिछले कल हुई अनुबंध कर्मचारी संघ सोलन के अध्यक्ष कपिल भारद्वाज, उपाध्यक्ष कपिल जोशी व अन्य ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से कहा कि भाजपा सरकार को सत्ता हासिल हुए 3 वर्ष बीत चुके हैं, परंतु अनुबंध कर्मचारियों की मांग अभी तक आश्वासन के नीचे ही दबी हुई है। कर्मचारियों का कहना है कि हमने सरकार के घोषणा पत्र को पढ़कर चुनाव में उनका साथ दिया था और सोचा था कि सरकार सत्ता में आने के बाद तुरंत हमें यह तोहफा देगी परंतु बहुत ही निराशा के साथ अनुबंध कर्मचारी अपना व अपने परिवार का भरण पोषण कर रहे हैं। हिमाचल प्रदेश में लगभग 17 हजार अनुबंध कर्मचारी है, वे सभी सरकार से मांग करते हैं कि 25 जनवरी को अनुबंध अवधि 3 वर्ष से 2 वर्ष करने की घोषणा करें, जिसमें अनुबंध कर्मचारी भी खुशी से अपना जीवन यापन करें व सरकार का भी कायदा पूरा हो सके। इस दौरान उन्होंने अगली रणनीति के बारे में भी बात की।
दाड़लाघाट ग्राम पंचायत सुधार सभा की महत्वपूर्ण बैठक पूर्व उपाध्यक्ष एवं बीडीसी सदस्य दाड़लाघाट जगदीश ठाकुर की अध्यक्षता में संपन्न हुई। महासचिव प्रेम केशव ने बताया कि इस बैठक में गांव रौडी, डूगली, पछिउर, कुन, सुल्ली, बटेड़, खाता, बागा के वरिष्ठ नागरिकों व युवाओं ने भाग लिया। बैठक में लोगों द्वारा अंबुजा कंपनी के परिसर में एक अन्य प्लांट जो रिकवरी स्टीम डब्ल्यूएचआरएस के नाम से प्रस्तावित है। सुधार सभा द्वारा पहले भी प्लांट के मुखिया अनुपम अग्रवाल से उपरोक्त प्लांट के लगने से बेरोजगारों को रोजगार के अवसर पर वार्तालाप किया जा चुका है। उन्होंने आश्वासन देते हुए माना है कि इस प्लांट के लगने से रोजगार उन लैंड लूजर को मिल पाएगा, जो वंचित रह गए हैं। लैंड लूजर का मानना है कि 1992,1995, 2002 के दौरान जो वायदे किसानों के साथ किए गए थे, उन पर अम्बुजा कंपनी फैसला लेने में आनाकानी का रवैया बना रही है। अम्बुजा कंपनी से एक बार फिर आग्रह है कि लोगों की रोकी गई लीज तथा जमीन का सही मुआवजा दिया जाए, ताकि लैंड लूजर किसान भी मुख्यधारा में शामिल हो सके। इस अवसर पर हेतराम ठाकुर, प्रेम लाल ठाकुर, रतिराम, जगदीश ठाकुर, तेजराम, जगन्नाथ, दीप राम शर्मा, प्रेम केशव, रूपराम, रामदत्त जसवाल, रामदत्त ठाकुर, लोक राम सहित अन्य सदस्यों ने भाग लिया।
दाड़लाघाट क्षेत्र से संबंध रखने वाले मास्टर किशोर जो संगीत की दुनिया में अपना खूब नाम कमाना चाहते हैं का एक और बेहतरीन गीत "हिचकी "लांच हुआ है जिसके संगीत का नवीकरण केविस रिकॉर्डस ने बड़ी रोचकता के साथ किया है। इस गाने के प्रोड्यूसर वीरेंद्र सिंह तथा लिरिक्स हिमाचली फोक गीत एवं अतिरिक्त लिरिक्स चेतराम भाटिया द्वारा लिखी गई है। इस गीत को लोगों ने बहुत पसंद किया है। मास्टर किशोर ने अपने पिता भगत सिंह भाटिया तथा माता रुकमणी भाटिया का उनके आशीर्वाद हेतु विशेष धन्यवाद किया है। इसके अतिरिक्त मास्टर किशोर ने अपने संगीत के गुरु टेकचंद करड़ व संगीत के प्रति रुझान उत्पन्न करने वाले केशव वशिष्ठ व अन्य सभी गुरुजनों का भी आशीर्वाद के लिए धन्यवाद किया है। मास्टर किशोर आजकल कॉलेज ऑफ फाइन आर्ट्स चौड़ा मैदान शिमला में अपनी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। वहीं से उन्हें दूरदर्शन पर भी काम करने का मौका मिला इसलिए वह वहां की गुरुजनों का भी धन्यवाद करना चाहते हैं। किशोर के अनुसार वह हिमाचल की पुरानी धरोहर के संगीत को नया रूप देकर हिमाचल की संस्कृति को संजोए रखना चाहते हैं।
पुलिस पेंशनर एसोसिएशन कुनिहार जिला सोलन के प्रधान धनीराम तनवर, दीपराम ठाकुर, गुरदयाल चौधरी, केदार ठाकुर, पतराम पंवर, सतंराम चंदेल, रुपराम ठाकुर लेखराम काईथ, रतीराम शर्मा, जगदीश चौहान मथरादास, जगदीश गर्ग, शमशेर कंवर, राजेंदर शर्मा, मुनी लाल चौहान, आशा राणा, पुष्पां सुद, बिना चौहान आदि ने पुलिस पेंशनर स्व भगत राम चौहान गाँव मांजु थाना अर्की के निधन होने पर दुख प्रकट करते हुए ऊनकी आत्मिक शांति के लिए भगवान से प्रार्थना की व ऊनके परिवार के प्रति सवेंदना प्रकट की। उन्होंने कहा कि आज हमारा साथी हमसे बिछड गया जिसका हमे बहुत दुख है। हम इनके परिवार के साथ खड़े हैं और परिवार को इस दुःख को सहन करने की शक्ति के लिए भगवान से प्रार्थना करते हैं।
हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम की बस में सफर कर रहे एक व्यक्ति की हृदय गति रुक जाने के कारण अचानक मृत्यु हो गई है । एसएचओ दाड़लाघाट जीत सिंह से प्राप्त जानकारी के अनुसार ये घटना हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम की बस नंबर एचपी-68-6303 जो रोहड़ू से धर्मशाला जा रही थी। 77 वर्षीय जुल्फी राम पुत्र मौजीराम गांव काहरनी, डाकघर लहरी सरेल, तहसील घुमारवीं, जिला बिलासपुर अपनी पत्नी के साथ गलोग अपनी रिश्तेदारी में आए हुए थे और इस बस में वे दोनों गलोग से अपने घरजा रहे थे l लेकिन कराड़ाघाट के पास जुल्फीराम की तबीयत अचानक बिगड़ गई सीने में दर्द होने लगा, बस के चालक और परिचालक ने उसे तुरंत दाड़ला अस्पताल पहुंचाया जहां चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार जुल्फी राम भारतीय सेना व हिमाचल पुलिस में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। डीएसपी दाड़लाघाट प्रताप सिंह ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि मृतक के शव को पंचनामा करने हेतु अर्की हास्पिटल भेजा गया है।
सोलन पुलिस ने यातायात नियमों की अवहेलना करने वाले चालकों पर अब सख्त रवैया अपना लिया है। सोलन पुलिस ने जगह-जगह चेकिंग अभियान चलाकर बिना मास्क और बिना हेलमेट पहन कर दो पहिया वाहन चलाने वालों का चालान किया और जुर्माना वसूला। एसपी सोलन अभिषेक यादव के नेतृत्व में पुलिस की टीम ने बीते 24 घण्टों (Hours) में मोटर वाहन अधिनियम के तहत 265 चालान काट कर 92,000 रुपए का जुर्माना वसुल किया। इसमें तेज़ रफ़्तार (Over Speed) के 51, भयप्रद ड्राइव (Dangerous Driving) के 12 चालान, मोबाइल फ़ोन उपयोग (Use Mobile while Driving) का 1 , प्रेशर हॉर्न के 2, बिना सीट बेल्ट के 63 व बिना हेलमेट के 31 चालान किये गए इसके अतिरिक्त जरूरी दस्तावेज न पाए जाने पर 12 व अवैध पार्किंग के 39 चालान किये गये । वहीं, एसपी सोलन अभिषेक यादव ने कहा कि आगामी दिनों में भी कार्रवाई जारी रहेगी।
आज ग्राम पंचायत कोठी के कार्यालय में करुणा शर्मा ने ग्राम पंचायत कोठी के प्रधान पद के लिए नामांकन पत्र भरा। नामांकन पत्र भरने के बाद उन्होंने प्रेस वार्ता में अपने वक्तव्य में कहा कि यदि इन चुनाव में उन्हें स्थानीय पंचायत की समस्त जनता का भरपूर सहयोग एवं आशीर्वाद मिला तो इस पंचायत के चौमुखी विकास के लिए बिना किसी भेदभाव से कार्य करूंगी एवं समस्त जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरने का प्रयास करूंगी। इसी के साथ उन्होंने कहा कि वे युवाओं के लिए सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं को भी अपनी पंचायत में युद्ध स्तर पर क्रियान्वित करने का पूरा प्रयास करेंगी। इसके साथ उन्होंने बताया कि वे पंचायत के चौमुखी विकास के लिए सांसद निधि, विधायक निधि एवं जहां से भी पंचायत को जन सहयोग मिलेगा वहां से सहायता लेकर पंचायत के हर वार्ड का बिना किसी पक्षपात के विकास पूरी लगन एवं निष्ठा के साथ करेंगी। गांव की समस्याओं को निपटाने के लिए हर वार्ड में मिनी ग्राम सभाओं का आयोजन कर गांव के विकास में हर नागरिक की सहभागिता सुनिश्चित करेंगी। उन्होंने बताया कि वह 2010 से 2015 तक लगातार 5 वर्ष इस पंचायत के टुकड़ी वार्ड से भी वार्ड सदस्य के रूप में भरपूर जन सेवा कर अपनी सहभागिता सुनिश्चित की है। करुणा शर्मा ने प्रेस वार्ता में बताया कि उनका मुख्य उद्देश्य कोठी पंचायत को आदर्श ग्राम पंचायत बनाने का हैl
दाड़लाघाट। पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया के तीसरे व अंतिम दिन भी नामांकन पत्र भरे गए। इस दौरान ग्राम पंचायत दाड़लाघाट के साथ साथ नवगठित पंचायत रौडी व बरायली में भी तीसरे व अंतिम दिन नामांकन दाखिल हुए। एआरओ दाड़लाघाट विजेन्द्र कुमार ने बताया कि प्रधान पद के लिए 1, उपप्रधान पद के लिए 3 व पंचायत सदस्य के लिए 2 ने नामांकन दाखिल किए। उधर,पंचायत रौडी में एआरओ सुनील ने बताया कि प्रधान पद के लिए 1, उपप्रधान पद के लिए 2 व पंचायत सदस्य के लिए 3 उमीदवारों ने नामांकन दर्ज किए। जबकि, पंचायत बरायली में एआरओ धर्मपाल शुक्ला ने बताया कि प्रधान पद के लिए शून्य, उपप्रधान के लिए 1 व पंचायत सदस्य के लिए 2 उमीदवारों ने नामांकन दर्ज किए। इसी तरह उपमंडल दाड़लाघाट के साथ लगती पंचायत कोटलू में भी पंचायत प्रधान पद के लिए 4, उपप्रधान पद के लिए 7 और पंचायत सदस्य के लिए 5 लोगों ने नामांकन दर्ज किया है। कोटलू पंचायत में तैनात एआरओ राजेन्द्र वर्मा ने यह जानकारी सांझा करते हुए बताया कि चार जनवरी को सुकुटनी होगी और 6 जनवरी दोपहर तीन बजे तक इच्छुक उम्मीदवार अपने नाम वापिस ले सकेंगे। तीन बजे के बाद चुनाव निशान भी वितरित कर दिए जाएंगे।
नेहरू युवा क्लब मनलोग बडोग ने नेहरू युवा केंद्र द्वारा बताए गए निर्देशानुसार जल शपथ समारोह का आयोजन किया। इस दौरान नेहरू युवा क्लब मनलोग बड़ोग के सभी सदस्य ने जल शपथ समारोह में बढ़ चढ़कर भाग लिया। इस मौके पर क्लब सदस्यों ने अपने आसपास के जल स्त्रोतों को साफ सुथरा रखने व गांव को स्वच्छ रखने का निर्णय लिया। इस दौरान पंकज कुमार ने सभी सदस्यों को प्रतिज्ञा दिलवाई। इस मौके पर गांव की एक बैठक हुई। इस अवसर पर नेहरू युवा क्लब मनलोग बडोग के सदस्यों सहित स्थानीय ग्रामीण मौजूद रहे।
कुनिहार विकास खंड की दाड़लाघाट पंचायत से उपप्रधान पद के उम्मीदवार राजेश गुप्ता ने शनिवार को अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। उन्होंंने एआरओ विजेंदर कुमार को अपना नामांकन पत्र दिया। पूर्व में भी उपप्रधान के पद पर रह चुके राजेश गुप्ता ने इस मौके पर लोगों से वादा किया कि अगर आप मेरा साथ एक बार फिर देते हैं तो मैं आपके मध्य हर वक्त सेवारत रहूंगा।पंचायत के लोगों का उन्हें भरपूर समर्थन मिल रहा है। बता दें, राजेश गुप्ता दाड़लाघाट के स्थाई निवासी है। राजेश गुप्ता पढ़े लिखे होने के साथ-साथ अनुभवी, परिश्रमी व समाजसेवा के कार्यों में भी आगे रहते है। राजेश गुप्ता लोगों के सुख दुख में हमेशा साथ रहते है, जिसके चलते इन्हें लोगों का भरपूर सहयोग मिल रहा है।
कुनिहार। कुनिहार बाजार में पेट्रोल पंप के पास नव वर्ष की पहली रात्रि में एक करियाना की दुकान आग लगने से पूरी तरह जल कर खाक हो गई। आगजनी में लाखों रुपए का करियाना व डेली नीड्स का सामान जल कर राख हो गया। गनीमत यह रही की आग साथ वाली दुकानों व रिहायशी मकानों की ओर नहीं फैली अन्यथा हादसा भयंकर हो सकता था। व्यापार मण्डल के सदस्य सूचना मिलते ही घटना स्थल पर पहुंचे व अपने व्यापारी साथी को सांत्वना दी। दुकान के मालिक राम रत्तन तनवर ने बताया कि दुकान के साथ ही रहने वाले पड़ोसियों ने जब रात्रि में दुकान से धुंआ उठता देखा तो उन्होंने मुझे व मेरे परिवार को आग लगने की सूचना दी व सभी ने मिलकर दुकान के शटर उठाए, लेकिन उस समय तक दुकान में रखा करियाना व अन्य सामान पूरी तरह जल चुका था। स्थानीय पुलिस व पटवारी मौके पर पहुंचे व घटना का जायजा लिया। गौर रहे कि कुनिहार क्षेत्र जिला सोलन का एक बहुत बड़ा व्यापारिक केंद्र है। यंहा पर प्रदेश सहित दूरदराज क्षेत्र से लोग खरीददारी करने आते है। प्रदेश व जिला सोलन का अग्रणी व्यापारिक हब होने के कारण कुनिहार में फायर स्टेशन होना बहुत जरूरी है। पिछले कुछ वर्षों में यंहा कई बड़ी आगजनी की घटनाएं हो चुकी है। आगजनी की घटनाओं को रोकने के लिए अर्की या फिर सोलन से फायर बिग्रेड को बुलाना पड़ता है और जब तक फायर बिग्रेड की गाड़ियां कुनिहार पहुंचती है तब तक आग सब कुछ जला कर खाक कर चुकी होती है। ओम प्रकाश ठाकुर, भगमल तनवर, पवन ठाकुर, सुरेश, विजय कंवर, साहिल ठाकुर, विजय गर्ग, विनय गर्ग आदि कारोबारियों ने सरकार से विकसित व्यापारिक केंद्र कुनिहार में जल्द फायर स्टेशन खोलने की मांग की है, ताकि आगजनी की घटनाओं पर अकुंश लग सके। व्यापार मंडल के प्रधान सुमित मित्तल ने भी सरकार से कुनिहार में फायर स्टेशन या फायर हाइड्रेंट खोलने की मांग की है, ताकि आगजनी पर जल्द काबू पाया जा सके। प्रत्यक्षदर्शी ओम प्रकाश ठाकुर ने बताया कि रात्री में उन्हें जैसे ही घर के साथ वाली दुकान मेंआग लगने का पता चला, तो उन्होंने अन्य पड़ोसियों को उठा कर इसकी सूचना दुकान के मालिक व उसके परिवार को दी। सभी ने मिल कर दुकान के शटर को किसी तरह उठाया, परन्तु तब तक दुकान में रखा सारा समान राख हो चुका था।
शिमला। हिमाचल प्रदेश में आज से मौसम बदलेगा। शनिवार को छह मध्य पर्वतीय जिलों शिमला, सोलन, सिरमौर, मंडी, कुल्लू और चंबा के कई क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी का पूर्वानुमान है। तीन से पांच जनवरी तक पूरे प्रदेश में मौसम खराब रहने की संभावना है। चार और पांच जनवरी को अधिक बारिश और बर्फबारी के आसार हैं। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के निदेशक मनमोहन सिंह के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता से मौसम में यह बदलाव आ रहा है। इसमे 3 से पांच तक प्रेदेश में मौसम खराब रहेगा। इसमे 4 ओर 5 जनवरी को प्रदेश के ऊपरी इलाकों में भारी बर्फबारी और निचले इलाकों में बारिश हो सकती है।
सोलन विधायक डॉ कर्नल धनीराम शांडिल के बदले तेवरों से सोलन कांग्रेस का कलेवर बदलता दिख रहा हैं. मिस्टर कूल शांडिल ने अब कर्नल वाले तेवर इख्तियार किये हैं जिससे कांग्रेस ज्यादा अनुशासित दिख रही हैं, बेशक उनकी दखल सिर्फ सोलन निर्वाचन क्षेत्र के मामलों तक ही सिमित हैं, लेकिन असर साथ लगते क्षेत्रों में भी दिख रहा हैं. हालांकि जिला अध्यक्ष के साथ उनकी खींचतान भी जगजाहिर हो चुकी हैं लेकिन लगता हैं कर्नल शांडिल के आगे जिला अध्यक्ष की चल नहीं रही. इसका ताजा प्रमाण हैं जिला परिषद् चुनाव के लिए शांडिल द्वारा अपने तीन प्रत्याशी घोषित करना. पहली बार शांडिल ने इस तरह खुलकर आये हैं जिससे कांग्रेस में एक आस जगी हैं और विश्वास भी. वैसे भी जिला कांग्रेस की सक्रियता बंद कमरों तक सिमटी हैं, सरकार के खिलाफ मैदानी जंग में जिला कांग्रेस संगठन कही नहीं दिखा रहा. सरकार की बड़ी नाकामियां भी कांग्रेस मजबूती से उठाने में विफल रही हैं. ऐसे में कांग्रेस में जिस आक्रामकता की कमी दिख रही हैं उसकी भरपाई अब शांडिल करते दिख रहे हैं. न सिर्फ शांडिल के फैसलों में आक्रमता हैं बल्कि मैदान में भी उनकी बढ़ती मौजूदगी कांग्रेस में नया जोश भर रही हैं. उधर जिला अध्यक्ष शिवकुमार को भी कुछ बड़े नेताओं का साथ मिला हुआ हैं, पर उनकी राह जरा भी आसान नहीं हैं. खासतौर से सोलन निर्वाचन क्षेत्र में कण्ट्रोल पूरी तरह कर्नल शांडिल के हाथ में हैं. शहरी कांग्रेस सोलन और ब्लॉक कांग्रेस पर भी शांडिल का ही पकड़ दिख रही हैं. ऐसे में कांग्रेस में कब जिला संगठन के खिलाफ मुख़ालफ़त देखने को मिल जाएं, कुछ कहा नहीं जा सकता. सुल्तानपुरी की बढ़ती सक्रियता का चर्चा आम: एक और बात जिसकी चर्चा इन दिनों सोलन के राजनैतिक गलियारों में हैं वो हैं विनोद सुल्तानपुरी की सोलन में बढ़ती सक्रियता. सुल्तानपुरी बेहद कड़े मुकाबले में बीते दो चुनाव कसौली निर्वाचन क्षेत्र से हार चुके हैं. उनकी हार का कारण भीतरघात को माना जाता रहा हैं. अब सुल्तानपुरी अचानक सोलन में क्यों इतने सक्रीय हो गए, इसे लेकर खूब चर्चा हैं. अब इसके क्या कारण हो सकते हैं इसे लेकर सब अपने हिसाब से अनुमान लगा रहे हैं. 2022 की तैयारी में शांडिल: बहरहाल, 2022 के चुनाव में बेशक शांडिल की उम्र 82 वर्ष होगी लेकिन फिलवक्त वे ही सोलन निर्वाचन क्षेत्र में कांग्रेस का सबसे बड़ा चेहरा हैं और उनका विकलप कांग्रेस के पास नहीं दिख रहा हैं. उनके ताजा फैसलों को भी 2022 की चुनावी रणनीति के तौर पर ही देखा जा रहा हैं. दरअसल शांडिल संगठन में अपनी ब्रिगेड तैयार करना चाहते हैं ताकि 2022 में उनकी राह आसान हो. अब कर्नल के तेवर ज़ारी रहते हैं या कोई नया ट्विस्ट आता हैं, ये देखना रोचक होगा. आखिर राजनीति में कुछ भी मुमकिन हैं.
प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के निर्देशानुसार स्थानीय शहरी निकायों के सामान्य निर्वाचन के लिए राज्य निर्वाचन आयोग को आज एम-2 इलैक्ट्राॅनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) की 130 बेलेट यूनिट तथा 130 कन्ट्रोल यूनिट प्रदान की गई। यह जानकारी जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त सोलन केसी चमन ने आज दी। जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि भारत के निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशानुसार यह ईवीएम स्कैन करने के उपरान्त राज्य निर्वाचन आयोग को ऋण आधार पर दी गई हैं। उन्होंने कहा कि ईवीएम की प्रथम स्तर की चेकिंग बेल कंपनी के अभियन्ताओं द्वारा करवाने के उपरान्त 123 बेलेट यूनिट तथा 123 कन्ट्रोल यूनिट को जिला सोलन में होने वाले स्थानीय शहरी निकायों के निर्वाचन में प्रयोग में लाया जाएगा। 07 कन्ट्रोल यूनिट तथा 07 जिला सिरमौर भेजी जाएंगी। इसके उपरान्त जिला निर्वाचन अधिकारी ने तहसील कार्यालय परिसर सोलन तथा पुराने उपायुक्त कार्यालय में स्थित ईवीएम तथा वीवीपैट वेयरहाउस का निरीक्षण भी किया। इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के सोलन मंडल के उपाध्यक्ष चन्द्रकांत शर्मा, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रदेश महासचिव विनोद सुल्तानपुरी, जिला महासचिव शिवदत्त ठाकुर, कम्यूनिस्ट पार्टी ऑफ़ इंडिया के अनूप पराशर, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की सावित्री सांख्यान तथा कंचन राणा, उपमण्डलाधिकारी सोलन अजय यादव, सहायक आयुक्त लीव रिजर्व एचएस राणा, तहसीलदार गुरमीत नेगी, तहसीलदार निर्वाचन राजेन्द्र शर्मा एवं नायब तहसीलदार महेन्द्र ठाकुर, नायब तहसीलदार जगपाल उपस्थित थे।
सोलन जिला में आज पंचायती राज संस्थाओं के निर्वाचन नामांकन के दूसरे दिन कुल 2626 नामांकन प्रस्तुत किए गए। यह जानकारी आज यहां अतिरिक्त उपायुक्त एवं निर्वाचन के लिए नोडल अधिकारी अनुराग चन्द्र शर्मा ने दी। अनुराग चन्द्र शर्मा ने कहा कि इन 2626 नामांकन में जिला परिषद सदस्य के लिए 36, पंचायत समिति सदस्यों के लिए 182, प्रधान पद के लिए 590, उप प्रधान पद के लिए 589 तथा वार्ड सदस्यों के लिए कुल 1229 नामांकन प्रस्तुत किए गए। उन्होंने कहा कि आज सोलन जिला के नालागढ़ विकास खण्ड में पंचायती राज संस्थाओं के लिए कुल 867, कुनिहार विकास खण्ड में कुल 635, धर्मपुर विकास खण्ड में कुल 469, सोलन विकास खण्ड में कुल 370 तथा कण्डाघाट विकास खण्ड में कुल 285 नामांकन प्रस्तुत किए गए। अनुराग चन्द्र शर्मा ने कहा कि नालागढ़ विकास खण्ड में जिला परिषद सदस्य के लिए 20, पंचायत समिति सदस्यों के लिए 54, प्रधान पद के लिए 197, उप प्रधान पद के लिए 172 तथा वार्ड सदस्यों के लिए कुल 424 नामांकन प्रस्तुत किए गए। उन्होंने कहा कि कुनिहार विकास खण्ड में जिला परिषद सदस्य के लिए 08, पंचायत समिति सदस्यों के लिए 48, प्रधान पद के लिए 137, उप प्रधान पद के लिए 143 तथा वार्ड सदस्यों के लिए कुल 299 नामांकन प्रस्तुत किए गए। अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि धर्मपुर विकास खण्ड में जिला परिषद सदस्य के लिए 06, पंचायत समिति सदस्यों के लिए 34, प्रधान पद के लिए 94, उप प्रधान पद के लिए 105 तथा वार्ड सदस्यों के लिए कुल 230 नामांकन प्रस्तुत किए गए। अनुराग चन्द्र शर्मा ने कहा कि सोलन विकास खण्ड में जिला परिषद सदस्य के लिए 01, पंचायत समिति सदस्यों के लिए 20, प्रधान पद के लिए 93, उप प्रधान पद के लिए 90 तथा वार्ड सदस्यों के लिए कुल 166 नामांकन प्रस्तुत किए गए। अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि कण्डाघाट विकास खण्ड में जिला परिषद सदस्य के लिए 01, पंचायत समिति सदस्यों के लिए 26, प्रधान पद के लिए 69, उप प्रधान पद के लिए 79 तथा वार्ड सदस्यों के लिए कुल 110 नामांकन प्रस्तुत किए गए। गणतंत्र दिवस नामांकन प्रक्रिया के प्रथम दिन सोलन जिला में कुल 1976 नामांकन प्रस्तुत किए गए थे।
एसएचओ दाड़लाघाट ने इंसानियत की एक और मिसाल पेश की है। एसएचओ दाड़लाघाट जीत सिंह को वीरवार शाम को गश्त के दौरान छामला के समीप पर्यटकों की एक गाड़ी फसी मिली । पर्यटकों ने बताया कि वह हैदराबाद से मनाली घूमने आए थे, और वह मनाली से शिमला की ओर जा रहे थे,जैसे ही वह छामला के समीप पहुँचे तो उनकी गाड़ी में तकनीकी खराबी आ गई . उन्होंने बताया कि देर शाम अंधेरे में उन्हें गाड़ी में तकनीकी खराबी के चलते समस्या का हल नही निकल रहा था तभी पुलिस की गाड़ी एसएचओ दाड़लाघाट जीत सिंह भी वहां से निकल रहे थे तो उन्होंने हमारी समस्या को जाना व मानवता का परिचय देकर तुरंत ही हमारी गाड़ी को मेकेनिक के पास छोड़कर पर्यटकों को थाना दाड़लाघाट में ले गए । जहाँ एसएचओ ने सभी लोगों को जलपान भी करवाया। पर्यटकों का कहना है कि एसएचओ जीत सिंह ने उनकी सहायता करके इंसानियत की मिसाल पेश की है। जिसके लिए वह हिमाचल पुलिस व एसएचओ का धन्यवाद करते है।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सोलन द्वारा कोविड-19 के दौरान डिजिटल माध्यम से विधिक जागरूकता शिवरों का आयोजन किया जा रहा है ताकि लोगों को उनके घर द्वार पर ही कानूनी जानकारी पहुंचाई जा सके। यह जानकारी जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण की सचिव गुरमीत कौर ने आज यहां दी। गुरमीत कौर ने कहा कि विभिन्न शिविर जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण के अध्यक्ष तथा जिला एवं सत्र न्यायधीश भूपेश शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित किए गए। उन्होंने कहा कि जिला कारागार सोलन में कैदियों को उनके अधिकारों के बारे में जागरूक किया गया। कैदियों को निशुल्क कानूनी सहायता प्राप्त करने के बारे में भी अवगत करवाया गया। उन्होंने कहा कि जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण ने दिसम्बर माह के दौरान विश्व एड्स दिवस पर कुनिहार विकास खण्ड की ग्राम पंचायत मांगल में डिजिटल माध्यम से लोगों को जागरूक किया। उन्होंने कहा कि विश्व विकलांग दिवस पर बाल आश्रम अर्की के बच्चों को भी जागरूक किया गया। धर्मपुर विकास खण्ड की ग्राम पंचायत जंगेशू, चम्मो तथा सोलन विकास खण्ड की ग्राम पंचायत बसाल, चामियां तथा कुनिहार विकास खण्ड की ग्राम पंचायत दधोगी में निशुल्क कानूनी सहायता, वरिष्ठ नागरिकों की बुनियादी जरूरतों को पूरा करने के साथ-साथ उन्हें सुरक्षा मुहैया करवाना, सूचना का अधिकार, वरिष्ठ नागरिकों के जीवन और सम्पति के संरक्षण तथा वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण सहित कोरोना महामारी के बारे में भी इन शिविरों मे जानकारी दी गई। गुरमीत कौर ने कहा कि मानव अधिकार दिवस पर एसके उद्योग परवाणू तथा जेएम प्रयोगशाला उद्योग सोलन में कार्यरत कर्मचारियों को उनके अधिकारों के बारे में जागरूक बनाया गया। उन्होंने कहा कि जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण सोलन तथा उपमण्डलीय विधिक सेवाएं समिति कसौली द्वारा कंपनियों में कार्यरत कर्मचारियों को उनके अधिकारों के बारे में जानकारी दी गई। उन्होंने ने कहा कि खण्ड विकास अधिकारी नालागढ़ तथा खण्ड विकास अधिकारी कण्डाघाट के सौजन्य से क्षेत्र की विभिन्न ग्राम पंचायतों में डिजिटल माध्यम से ग्राम पंचायत की न्यायिक भूमिका, सूचना का अधिकार, पीड़ित प्रतिकर योजना व निःशुल्क कानूनी सहायता के बारे में भी अवगत करवाया गया। उन्होंने कहा कि सोलन जिला में तैनात पैनल अधिवक्ताओं को डिजिटल माध्यम से एक दिन का प्रशिक्षण भी प्रदान किया गया है। कण्डाघाट विकास खण्ड के क्यारी महिला मंडल की महिलाओं को डिजिटल माध्यम से निःशुल्क कानूनी सहायता तथा प्रवर्तन के लिए विधिक सेवाएं योजना व उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम के बारे में जानकारी प्रदान की गई। लोगों को कोविड-19 महामारी से बचाव के सम्बन्ध में भी अवगत करवाया गया। उन्होंने कहा कि जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण सोलन द्वारा डिजिटल माध्यम से 73 शिविरों का आयोजन किया गया जिसमें लगभग 2645 लोगों ने कानूनी जानकारी का लाभ लिया व डीएलएसए सोलन के अपने यू-टयूब चैनल पर विधिक जागरूकता से सम्बन्धित 40 वीडियो को यू-टयूब चैनल पर अपलोड किया गया। इन वीडियो में सोलन में तैनात विभिन्न न्यायाधीशों द्वारा विभिन्न कानूनों के बारे में जानकारी साझा की गई। इन शिविरों का ऑनलाइन माध्यम से 12761 लोगों ने लाभ उठाया है। गुरमीत कौर ने कहा कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सोलन वैश्विक कोरोना महामारी के दौरान आमजन को सुविधा प्रदान करने के लिए सदैव प्रयासरत है। किसी भी प्रकार की कानूनी सहायता के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सोलन के दूरभाष नम्बर 01792-220713 पर कार्य दिवस पर प्रातः 10ः00 बजे से सांय 5ः00 बजे तक संपर्क किया जा सकता है।
पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया वीरवार से शुरू हो गयी। इस दौरान ग्राम पंचायत दाड़लाघाट के साथ साथ नवगठित पंचायत रौडी व बरायली में भी नामांकन दाखिल हुए। एआरओ दाड़लाघाट विजेन्द्र कुमार ने बताया कि प्रधान पद के लिए 3, उपप्रधान पद के लिए 3 व पंचायत सदस्य के लिए 7 ने नामांकन दाखिल किए। उधर,पंचायत रौडी में एआरओ सुनील ने बताया कि प्रधान पद के लिए 1, उपप्रधान पद के लिए 4 व पंचायत सदस्य के लिए 5 उमीदवारों ने नामांकन दर्ज किए। जबकि,पंचायत बरायली में एआरओ धर्मपाल शुक्ला ने बताया कि प्रधान पद के लिए 2, उपप्रधान के लिए 1 व पंचायत सदस्य के लिए 2 उमीदवारों ने नामांकन दर्ज किए। इसी तरह उपमंडल दाड़लाघाट के साथ लगती पंचायतों में भी पंचायत प्रधान, उपप्रधान ओर पंचायत सदस्य के लिए नामांकन दर्ज हुए।
नगर पंचायत अर्की के 07 वार्डों के निर्वाचन के लिए नामांकन वापसी के उपरान्त अब कुल 19 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं। इन सभी को आज चुनाव पर्यवेक्षक हेमिस नेगी की उपस्थिति में नियमानुसार चुनाव चिन्ह आवंटित कर दिए गए। यह जानकारी उपमण्डलाधिकारी एवं निर्वाचन अधिकारी विकास शुक्ला ने दी। नगर पंचायत अर्की के वार्ड संख्या-1 में कान्ता देवी तथा निर्मला देवी चुनाव मैदान में है। कान्ता देवी को चुनाव चिन्ह के रूप में कुर्सी तथा निर्मला देवी को चुनाव चिन्ह के रूप में ताला-चाबी आवंटित किया गया है। नगर पंचायत अर्की के वार्ड संख्या-2 में गौरव ठाकुर, दीवान चन्द, लक्ष्मी सिंह तथा सुरेन्द्र कुमार चुनाव मैदान में हैं। चुनाव चिन्ह के रूप में गौरव ठाकुर को कुर्सी, दीवान चन्द को ताला-चाबी, लक्ष्मी सिंह को सिलाई मशीन तथा सुरेन्द्र कुमार को हवाई जहाज आवंटित किया गया है। नगर पंचायत अर्की के वार्ड संख्या-3 में भारती वर्मा तथा श्यामा मैदान में हैं। भारती वर्मा को कुर्सी तथा श्यामा को ताला-चाबी चुनाव चिन्ह आवंटित किया गया है। नगर पंचायत अर्की के वार्ड संख्या-4 में अनुज गुप्ता, नरेन्द्र कुमार तथा राजीव कुमार चुनाव मैदान में हैं। चुनाव चिन्ह के रूप में अनुज गुप्ता को कुर्सी, नरेन्द्र कुमार को ताला-चाबी तथा राजीव कुमार को सिलाई मशीन आवंटित किया गया है। नगर पंचायत अर्की के वार्ड संख्या-5 में कमलेश गुप्ता तथा हेमेन्द्र कुमार चुनाव मैदान में हैं। कमलेश गुप्ता को कुर्सी चुनाव चिन्ह तथा हेमेन्द्र कुमार को ताला-चाबी चुनाव चिन्ह आवंटित किया गया है। नगर पंचायत अर्की के वार्ड संख्या-6 में अंकुश शर्मा, गौरव गुप्ता तथा धर्मपाल चुनाव मैदान में हैं। अंकुश शर्मा को कुर्सी चुनाव चिन्ह, गौरव गुप्ता को ताला-चाबी चुनाव चिन्ह तथा धर्मपाल को सिलाई मशीन चुनाव चिन्ह आवंटित किया गया है। नगर पंचायत अर्की के वार्ड संख्या-7 में भावना, रूचिका गुप्ता तथा संतोष चुनाव मैदान में हैं। भावना को कुर्सी चुनाव चिन्ह, रूचिका गुप्ता को ताला-चाबी चुनाव चिन्ह तथा संतोष को सिलाई मशीन चुनाव चिन्ह आवंटित किया गया है। नगर पंचायत अर्की के लिए मतदान 10 जनवरी, 2021 को प्रातः 8.00 बजे से सांय 4.00 बजे तक होगा।
केंद्र सरकार के अन्तर मन्त्रालय दल ने गत दिवस सोलन जिला में वर्षा ऋतु में हुई क्षति का जायज़ा लिया। यह जानकारी आज यहां उपायुक्त सोलन के.सी. चमन ने दी। के.सी. चमन ने कहा कि अन्तर मन्त्रालय दल ने सोलन जिला में उन स्थानों पर जाकर नुकसान का गहन अध्ययन किया जहां मानसून के दौरान भारी क्षति हुई है। उन्होंने कहा कि दल ने जिला के विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ नालागढ़ उपमण्डल में बद्दी-साई मार्ग पर कौण्डी, उपमण्डल में कनाहन खड्ड सहित धर्मपुर विकास खण्ड में भोजनगर तथा नेरीकलां में हुए नुकसान का आकलन किया। दल ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों से वस्तु स्थिति तथा नुकसान के सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। उपायुक्त ने कहा कि सोलन जिला में इस वर्ष मानूसन के मौसम में 15 जून, 2020 से 30 सितम्बर 2020 तक 52.27 करोड़ रुपए की क्षति आंकी गई है। उन्होंने कहा कि इस कारण जिला में लोक निर्माण विभाग को लगभग 32.92 करोड़ रुपए, जल शक्ति विभाग को लगभग 14.51 करोड़ रुपए, प्रदेश विद्युत बोर्ड लिमिटिड को 35.34 लाख रुपए, राष्ट्रीय राजमार्गों को लगभग 2.84 करोड़ रुपए, मत्स्य विभाग को 10 लाख रुपए, स्थानीय शहरी निकायों को 1.29 करोड़ रुपए तथा राजस्व विभाग को 26.53 लाख रुपए के नुकसान का आकलन किया गया है। के.सी. चमन ने कहा कि अन्तर मन्त्रालय दल ने जिला के विभिन्न क्षेत्रों में मानसून के मौसम में भूमि कटाव, बाढ़, भूस्खलन सहित अन्य नुकसान का आकलन किया। उपायुक्त ने कहा कि केन्द्र सरकार के इस अन्तर मन्त्रालय दल की अगुवाई केन्द्रीय गृह मन्त्रालय में संयुक्त सचिव राकेश कुमार सिंह ने की। केन्द्रीय जल आयोग शिमला के निदेशक पीयूष रंजन दल में सदस्य के रूप में सम्मिलत थे। यह दल 31 दिसम्बर को शिमला में हुए नुकसान का जायज़ा लेने के उपरान्त प्रदेश के मुख्य सचिव अनिल खाची के साथ प्रथम जनवरी, 2021 को बैठक करेगा। सोलन जिला में दल के साथ उपायुक्त के.सी. चमन, उपमण्डलाधिकारी नालागढ़ महेन्द्र पाल गुर्जर सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा आयुष मन्त्री डाॅ. राजीव सैजल ने नव वर्ष-2021 की पूर्व संध्या पर प्रदेश वासियों को शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। डाॅ. सैजल ने अपने शुभकामना संदेश में कामना की कि नव वर्ष-2021 सभी के लिए मंगलमय रहे। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मन्त्री ने इस अवसर पर सभी से आग्रह किया कि अपने,अपने परिजनों तथा अन्य के बेहतर स्वास्थ्य के लिए कोविड-19 महामारी से सम्बन्धित विभिन्न नियमों का पालन सुनिश्चित बनाएं। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि सार्वजनिक स्थानों पर नियमित रूप से मास्क पहने, सोशल डिस्टेन्सिग नियम का पालन करें और अपने हाथ बार-बार साबुन अथवा एल्कोहल युक्त सेनिटाइजर से साफ करते रहें। डाॅ. सैजल ने आशा जताई कि नव वर्ष-2021 भारत सहित पूरे विश्व को कोरोना संकट से मुक्त करेगा।
हिमाचल प्रदेश राजीव गांधी पंचायती राज संगठन की 12 दिन तक चलने वाली पदयात्रा आज शालाघाट से रवाना हुई तथा इस यात्रा का दूसरा पड़ाव आज नमहोल में होगा। संगठन के संयोजक दीपक राठौर ने कहा कि 12 दिन तक चलने वाली इस पदयात्रा के दौरान नुक्कड़ सभाएं तथा पत्रक बांटकर लोगों को जागरूक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यात्रा का मुख्य उद्देश्य पंचायतों को मजबूत करना तथा किसानों व बागबानों के आंदोलन को समर्थन करना है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा जो तीन बिल लाए गए है व किसान विरोधी है संगठन इनका विरोध करता है। इस अवसर पर मीडिया प्रदेश मीडिया प्रभारी अनिल गोयल, शहरी निकाय अध्यक्ष मनोज चौहान, सगठन महासचिव कपिल शर्मा संगठन महासचिव सुनील शर्मा, प्रदेश महासचिव राजीव चौहान, जिला उपाध्यक्ष सुरेंद्र कंवर, प्रदेश उपाध्यक्ष कुलदीप कंवर, अतुल बोहरा भी मौजूद रहे। इस मौके पर जिला सोलन के राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के संयोजक डी डी शर्मा, मंगत राम, बाबूराम, कप्रुराम, धनीराम, गुंगुराम, गीताराम, परमानन्द, मनसाराम, सुखराम ने यात्रा मै भाग के रहे सदस्यों का गरमजोशी से स्वागत किया।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा आज जिला क्षय रोग निवारण समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त सोलन केसी चमन ने की। केसी चमन ने कहा कि वर्तमान में सोलन जिला में हिम सुरक्षा अभियान के तहत घर-घर जकर विभिन्न रोगों की जांच की जा रही है। इस अभियान के अन्तर्गत क्षय रोग, कुष्ठ रोग एवं गैर संक्रामक रोग उच्च रक्तचाप, मधुमेह तथा कैंसर से ग्रसित रोगियों की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि जिला में हिम सुरक्षा अभियान के तहत 80 प्रतिशत आबादी के जांच का लक्ष्य को प्राप्त कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि जिला में अभियान के तहत 518 टीमों ने 06 लाख 28 हजार लोगों की जांच की गई। अभियान के अन्तर्गत स्वास्थ्य टीमों ने घर-घर जाकर कोविड-19, कुष्ठ रोग, क्षय रोग तथा गैर संक्रामक रोग उच्च रक्तचाप, मधुमेह, तथा कैंसर से पीड़ित लोगों का पता लगाकर उनका आॅनलाइन डाटाबेस तैयार किया गया है। अभियान के दौरान 5828 लोगों में कोविड-19 के लक्षण पाए गए। इनमें से 2650 की जांच के उपरान्त 408 व्यक्ति कोविड पाॅजिटिव पाए गए। उन्होंने कहा कि क्षय रोग के 1966 संभावित व्यक्तियों को पहचान कर 1912 की जांच करवाई गई और इनमें से 61 क्षय रोग से पीड़ित पाए गए। 192 रोगियों में कुष्ठ रोग के लक्षण पाए गए। इन रोगियों को चिकित्सकों द्वारा रोग के निदान के लिए समय-समय पर जांच की जा रही है तथा उपचार के लिए आवश्यक दवाइयां उपलब्ध करवाई जा रही हैं। बैठक में विश्व स्वास्थ्य संगठन के क्षय रोग परामर्शदाता डाॅ. रविन्द्र विशेष रूप से उपस्थित थे। उन्होंने क्षय रोग निवारण के विषय में आवश्यक सुझाव प्रदान किए। बैठक में उपमण्डलाधिकारी सोलन अजय यादव, चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. एनके गुप्ता, डाॅ. राजेश तथा डाॅ. लोकेश सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
कोविड-19 टीकाकरण के लिए गठित जिला कार्यबल की बैठक उपायुक्त सोलन केसी चमन की अध्यक्षता में आयोजित की गई। केसी चमन ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कोविड-19 टीकाकरण अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए आपसी समन्वय स्थापित करें। उन्होंने कहा कि जिला के सभी खण्डों में टीकाकरण के लिए इस प्रकार से केन्द्र स्थापित किए जाएंगे कि प्रदेश और केन्द्र सरकार के निर्देश पर टीकाकरण के कार्य को पूर्ण किया जा सके। उन्होंने कहा कि टीकाकरण पंजीकरण के आधार पर किया जाएगा। उन्होंने सभी उमण्डलाधिकारी तथा खण्ड विकास अधिकारियांे को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में टीकाकरण के लिए स्थान चिन्हित करें तथा इन स्थलों पर सेनिटाइजेशन तथा सोशल डिस्टेन्सिग नियमों को पालन सुनिश्चित करवाया जाए। उन्होंने कहा कि एक सप्ताह उपरान्त इस सम्बन्ध में समीक्षा की जाएगी। उन्होंने कहा कि कोविड-19 टीकाकरण अभियान की सफलता के लिए उपमण्डल स्तर पर कार्यबल गठित किए जाएंगे। यह कार्यबल मानक परिचालन प्रक्रिया के अनुसार टीकाकरण स्थल निर्धारित कर टीकाकरण कार्य को सुनिश्चित बनाएंगे। उन्होंने कहा कि टीकाकरण अभियान के प्रथम चरण में स्वास्थ्य कर्मियों, द्वितीय चरण में कोरोना योद्धाओं तथा तृतीय चरण में 50 वर्ष से अधिक आयु के लोगों तथा गैर संक्रामक रोगों से पीड़ित व्यक्तियों को टीका लगाया जाएगा। उन्होंने कहा कि टीकाकरण अभियान को सफल और प्रभावी बनाने के लिए खंड चिकित्सा अधिकारियों, स्वास्थ्य पर्यवेक्षकों को प्रशिक्षण प्रदान किया जा चुका है। इसके अलावा भविष्य में खंड स्तर पर भी इस संदर्भ में प्रशिक्षण उपलब्ध करवाया जाएगा। बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. राजन उप्पल ने कहा कि जिले के 05 चिकित्सा खंडों के तहत 21 कोल्ड चेन की सुविधा उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए खण्ड स्तर पर चिकित्सा अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित किया जा रहा है। बैठक में उपमण्डलाधिकारी सोलन अजय यादव, चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. एनके गुप्ता, डाॅ. राजेश तथा डाॅ. लोकेश सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
भारतीय किसान संघ की बैठक प्रदेश संगठन मंत्री हरिराम की अध्यक्षता में संघ कार्यालय दाड़लाघाट में आयोजित की गई। बैठक में नगर कार्यवाह राजेंद्र वर्मा व मंडल के महामंत्री नरेश कुमार शर्मा विशेष रूप से उपस्थित रहे। बैठक में भारत सरकार द्वारा पारित कृषि बिलों पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यकारिणी के सदस्यों ने सरकार से अनुरोध किया कि किसान हितों को मध्य नजर रखते हुए जो कृषि बिल भारत सरकार ने पारित किए हैं उन्हें वापस ना करके उन्हें आवश्यक संशोधन किया जाए, ताकि कृषि बिलों पर जो गतिरोध चला है, उसे रोका जा सके। इसके अतिरिक्त बैठक में अन्य मुद्दे जैसे किसान संघ की नई सदस्यता अभियान चलाने पर चर्चा की गई। राम जन्मभूमि पर एवं मंदिर निर्माण हेतु सहयोग राशि एकत्रित करने पर चर्चा व ब्लॉक स्तर पर नई ग्राफ समितियों का गठन करने पर चर्चा की गई। इस मौके पर नगर कार्यवाह राजेंद्र वर्मा, मंडल के महामंत्री नरेश कुमार शर्मा, किसान संघ कुनिहार मंडल की कार्यकारिणी के सदस्य जय सिंह, रतन बट्टू, किशोर चंद्र व अन्य सदस्य मौजूद रहे।
किसान आंदोलन के समर्थन में और पंचायतों को सशक्त बनाने को लेकर प्रदेश कांग्रेस राजीव गांधी पंचायती राज संगठन की 12 दिन तक चलने वाली पदयात्रा शिमला से धर्मशाला को जाते वक्त दाड़लाघाट में रुकी। इस दौरान राजीव गांधी पंचायतीराज संगठन के प्रदेशाध्यक्ष दीपक राठौर ने कहा कि शिमला से 28 दिसंबर को पदयात्रा शुरू हुई है। इस यात्रा का आखिरी पड़ाव धर्मशाला में इस होगा। उन्होंने कहा कि इस पद यात्रा के दौरान पंचायती राज संगठन के पदाधिकारी लोगों को केंद्र सरकार द्वारा लाए गए कृषि कानूनों से होने वाले नुक्सान को लेकर जहां अवगत करवा रहे है। वहीं पंचायतों को किस तरह से सुदृढ़ किया जाए इसको लेकर भी लोगों को जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि 28 दिसंबर को शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान से यह पदयात्रा शुरू हुई है। राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के प्रदेश अध्यक्ष दीपक राठौर ने कहा कि किसान कृषि बिल के खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर पिछले कई दिनों से आंदोलनरत है लेकिन केंद्र की मोदी सरकार किसानों की मांगों को नहीं मान रही है। केंद्र सरकार ने कुछ पूंजीपतियों को फायदा पहुंचाने के लिए तीन कानून लाए हैं जिसके खिलाफ देश भर में किसान विरोध कर रहे हैं। किसानों के समर्थन और पंचायती राज को सुदृढ़ करने के लिए संगठन द्वारा पदयात्रा शुरू की जा रही है। संगठन के संयोजक दीपक राठौर ने कहा कि 12 दिन तक चलने वाली इस पदयात्रा के दौरान नुक्कड़ सभाएं तथा पत्रक बांटकर लोगों को जागरूक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यात्रा का मुख्य उद्देश्य पंचायतों को मजबूत करना तथा किसानों व बागबानों के आंदोलन को समर्थन करना है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा जो तीन बिल लाए गए है व किसान विरोधी है। संगठन इनका विरोध करता है। इस मौके पर राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के प्रदेश अध्यक्ष दीपक राठौर, अध्यक्ष शिमला शहरी मनोज चौहान, महासचिव भगतराम, संगठन महासचिव कपिल शर्मा, उपाध्यक्ष जिला शिमला ग्रामीण राजीव चौहान, जिला उपाध्यक्ष सोलन कांग्रेस अनिल गुप्ता, प्रदेश संगठन मंत्री सुरेन्द्र वर्मा, यूथ कांग्रेस अर्की के उपाध्यक्ष हेमन्त वर्मा, प्रेम केशव, प्यारे लाल ठाकुर, पवन शर्मा, कमल कौंडल, धर्मपाल ठाकुर, अमर ठाकुर, हसंराज राजपूत, लाल चंद, रोशन ठाकुर, राजकुमार गुलाटी, सतपाल शर्मा, पवन ठाकुर, दीपक गजपति, नरेश ठाकुर सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
- नगर परिषद् परवाणु चुनाव को 37 ने भरा नामांकन - नामंकन वापसी के बाद स्पष्ट होगी तस्वीर नगर परिषद् परवाणु चुनाव में कुल 37 उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किए है। सोमवार को नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि थी और 10 प्रत्याशियों ने नामांकन दाखिल किए। इससे पहले शनिवार तक कुल 27 प्रत्याशियों ने नामांकन दाखिल किए थे। कुल 9 वार्डों के लिए ये 37 नामांकन दाखिल हुए है। इनमे से 9 - 9 प्रत्याशियों को कांग्रेस व भाजपा का समर्थन प्राप्त है जबकि 19 बिना किसी राजैनतिक दल के समर्थन के मैदान में है। अब इन 19 प्रत्याशियों में से कितने मैदान में डटे रहते है ये तो नामांकन वापसी की अंतिम तिथि यानी 30 दिसंबर के बाद ही स्पष्ट होगा। भाजपा समर्थित उम्मीदवारों की बात करें तो वार्ड एक से खुद महिला आयोग अध्यक्ष डेज़ी ठाकुर मैदान में उतरी है। वहीँ वार्ड 2 से रजनी सिंगला प्रत्याशी है। वार्ड नम्बर 3,4,5 महिला आरक्षित है जहाँ किरन चौहान, गायत्री देवी व रचना रानी उम्मीदवार है। वहीँ वार्ड 6 में अनीता शर्मा, वार्ड 7 में रंजीत ठाकुर, वार्ड 8 से शकुंतला पांटा और वार्ड 9 से पूजा गोयल प्रत्याशी हैं। वहीँ कांग्रेस समर्थित प्रत्याशियों की बात करे तो वार्ड एक से काजल उम्मीदवार है जो पिछले चुनावों में भी डेज़ी ठाकुर को कड़ी टककर दे चुकी हैं। वार्ड 2 से लखविंदर सिंह उम्मीदवार है जो चुनावी दंगल में नया पर मजबूत चेहरा माना जा रहा हैं। वहीँ वार्ड 3, 4 व 5 से शशि गर्ग, चंद्रावती व सोनिया शर्मा उम्मीदवार है. वहीँ वार्ड 6 से निवर्तमान नगर परिषद् अध्यक्ष ठाकुरदास शर्मा चुनाव लड़ रहे हैं। जबकि वार्ड 7 से प्रेमलता व वार्ड 8 से मोनिशा उम्मीदवार हैं। वार्ड नंबर 9 से कांग्रेस ने निशा शर्मा का समर्थन करने का फैसला लिया हैं। वहीँ निर्दलीय उम्मीदवारों की बात करें तो सबसे ज्यादा चर्चा राकेश भाटिया की है, जो वार्ड 1 से उम्मीदवार हैं. भाटिया की एंट्री से इस वार्ड के समीकरण बदल सकते हैं। ऐसे में उन पर सबकी निगाहें होगी।


















































