सिराज विधानसभा क्षेत्र के थुनाग में ब्लॉक समिति के चेयरमैन देवेंद्र कुमार रावत ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र थुनाग में N95 मास्क और सैनिटाइजर वितरित किये। इस मौके पर ब्लॉक समिति के चेयरमैन देवेंद्र रावत और बीडीसी सदस्य पार्वती ठाकुर डोलमा राणा ,पीताम्बर और आईटी सेल के संयोजक एवं ग्राम पंचायत बहल बहलीधार के प्रधान गुलाब सिंह भी मौजूद रहे। इस बीच ब्लॉक समिति के चेयरमैन देवेंद्र रावत का कहना है कि इस आपदा में स्वास्थ्य केंद्र थुनाग भी अच्छी तरह से लोगों की सहायता में कार्य कर रहा हैं। देवेंद्र रावत का यह भी कहना है की लोगों को और सभी स्वास्थ्य केंद्रों को किसी भी प्रकार की आवश्यकता रहेगी तो हम दिन रात मदद के लिए हर संभव प्रयास करेगी।
ग्राम पंचायत बंदला नछिर में जल शक्ति विभाग की लापरवाही देखने को मिली। विंध्या यूथ क्लब के प्रधान ऋषि भट्ट ने प्रेस नोट के माध्यम से बताया कि पाइप फटने और कुहल के पानी रिसाव के कारण शमशान घाट का रास्ता पूर्ण तरह बंद हो गया है। वार्ड नंबर 6 के श्मशान घाट के लिए यह बस एक मात्र रास्ता था जो बाधित है। उन्होंने बताया कि इसके लिए जल शक्ति विभाग पूर्ण रूप से जिम्मेदार है । गत वर्ष पूर्व विभाग को इसके बारे में स्थानीय लोग और यहां के स्थानीय क्लब ने इस कार्य को करने के लिए कहा था और इसके लिए उन्हें ज्ञापन भी दिया था लेकिन फिर भी उनके कान में जूं तक नहीं रेंगी । इसका खामियाजा आज वहां के लोगों को भुगतना पड़ रहा है। पहले भी स्थानीय लोगों के द्वारा यहां के स्थानीय विधायक आशीष और वूल फेडरेशन के अध्यक्ष त्रिलोक के माध्यम से जल शक्ति विभाग को इसे बनाने के लिए कहा गया था । उनके द्वारा बोलने पर भी विभाग ने इस पर कार्यवाही नहीं की, गांव में विभाग द्वारा हर जगह उनकी लापरवाही नजर आती है जगह-जगह पाइप लीकेज और कुहल में हर जगह पानी रिसाव हो रहा है।
ग्राम पंचायत बंदला नछिर में जल शक्ति विभाग की लापरवाही देखने को मिली। विंध्या यूथ क्लब के प्रधान ऋषि भट्ट ने प्रेस नोट के माध्यम से बताया कि पाइप फटने और कुहल के पानी रिसाव के कारण शमशान घाट का रास्ता पूर्ण तरह बंद हो गया है। वार्ड नंबर 6 के श्मशान घाट के लिए यह बस एक मात्र रास्ता था जो बाधित है। उन्होंने बताया कि इसके लिए जल शक्ति विभाग पूर्ण रूप से जिम्मेदार है । गत वर्ष पूर्व विभाग को इसके बारे में स्थानीय लोग और यहां के स्थानीय क्लब ने इस कार्य को करने के लिए कहा था और इसके लिए उन्हें ज्ञापन भी दिया था लेकिन फिर भी उनके कान में जूं तक नहीं रेंगी । इसका खामियाजा आज वहां के लोगों को भुगतना पड़ रहा है। पहले भी स्थानीय लोगों के द्वारा यहां के स्थानीय विधायक आशीष और वूल फेडरेशन के अध्यक्ष त्रिलोक के माध्यम से जल शक्ति विभाग को इसे बनाने के लिए कहा गया था । उनके द्वारा बोलने पर भी विभाग ने इस पर कार्यवाही नहीं की, गांव में विभाग द्वारा हर जगह उनकी लापरवाही नजर आती है जगह-जगह पाइप लीकेज और कुहल में हर जगह पानी रिसाव हो रहा है।
रेहड़ी फड़ी एवं फल सब्जी विक्रेता यूनियन मंडी में अपनी मांगों को लेकर उपायुक्त मंडी को ज्ञापन सौंपा। यूनियन के प्रधान सुरेंद्र कुमार ने कहा कि फल सब्जी विक्रेता एवं रेहड़ी फड़ी वाले हर समय प्रशासन वह सरकार का सहयोग करते रहते हैं। मगर इस कोरोना समय में जब सभी को टीकाकरण हो रहा है तब रेहड़ी फड़ी धारकों को ऑनलाइन बुकिंग करने में काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। यूनियन का कहना है कि प्राथमिकता के आधार पर रेहड़ी फड़ी वालों को टीकाकरण किया जाए, क्योंकि वह जिस प्रकार का कार्य करते हैं उनका आम जनता के साथ सीधा ताल्लुक रखता है। इसके साथ कोरोना लॉकडाउन में रेहड़ी फड़ी और फल सब्जी विक्रेताओं को आर्थिक मदद करने की मांग की है, क्योंकि बहुत से रेहड़ी फड़ी वाले अपनी रेहड़ी फड़ी नहीं लगा पा रहे हैं। सभी रेहड़ी फड़ी धारकों को कोरो ना के समय में लॉकडॉन से हुए आर्थिक नुकसान के लिए तहबजारी माफ की जाए। इन्हीं सभी मांगों को लेकर आज उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा तथा मांग कि जल्द से जल्द रेहड़ी फड़ी वालों को मदद की जाए और उनकी मांगों को हल किया जाए। इस अवसर पर यूनियन प्रधान सुरेंद्र कुमार ,सचिव प्रवीण कुमार, कोषाध्यक्ष दीपक प्रसाद, मनीराम महेंद्र पाल, देशराज राणा सुरेंद्र कुमार,और अन्य लोग उपस्थित थे.
मुख्यमंत्री के गृह जिला सिराज विधानसभा क्षेत्र के जंजैहली ब्लॉक के ग्राम पंचायत तुंगाधार की शारीरिक रूप से अपंग पवना कुमारी को प्रदेश मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की उनकी धर्मपत्नी साधना ठाकुर ने वीरवार को स्कूटी भेंट की, पवना कुमारी तुंगाधार विद्यालय में वाटर कैरियर के कार्यरत में सेवा दे रही है पवना कुमारी शारीरिक रूप से अपंग है जिसके कारण उसे दोनों हाथ और टांगों से चलना पड़ता है। इसी बीच पवना कुमारी को बहुत दिक्कतों का सामना करना पड़ता था प्रधान ग्राम पंचायत तुंगाधार हेमराज ठाकुर ने पवना कुमारी की आपबीती मुख्यमंत्री तक पंहुचाई और मुख्यमंत्री ने आश्वासन देकर कहा था कि जल्दी ही पवना कुमारी के लिए कोई सलूशन निकालेंगे या कोई भी मोटर का प्रबंध किया जाएगा पवना कुमारी का कहना है कि मुझे बहुत सारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था मैं अपने दोनों हाथ और दोनों पांव के सहारे चलती थी जिसमें मुझे स्कूल तक पहुंचने में बहुत समय लग जाता था और अब मैं हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री और उनकी धर्मपत्नी डॉक्टर साधना ठाकुर का बहुत-बहुत धन्यवाद करती हूं जिन्होंने मुझे इतना बड़ा कदम उठाकर मेरी सहायता स्कूटी देकर की और साथ ही साथ में धन्यवाद करती हूं ग्राम पंचायत के प्रधान हेम राज ठाकुर जी का इन का भी बहुत बड़ा योगदान मेरी सहायता करने में रहा और मैं इनका भी बहुत-बहुत धन्यवाद करती हूं धन्यवाद ।
मंडी राजीव ठाकुर, पुलिस द्वारा बल्ह क्षेत्र में पिछले लंबे समय से सक्रिय एक सेक्स रैकेट का पर्दाफाश किया गया है। मामले में पूर्वोत्तर भारत के राज्य सिक्किम की दो लड़कियों को रेस्क्यू कर होटल मालिक और उसके कर्मचारी को बल्ह पुलिस द्वारा हिरासत में लिया गया है। वहीं इस मामले में क्षेत्र में पूर्वोत्तर भारत की लड़कियों का जिस्मफरोशी के धंधे में संलिप्त पाए जाने से इसके पीछे किसी बड़े रैकेट का हाथ होने अंदेशा जताया जा रहा है। मामले में बल्ह पुलिस के थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राजेश कुमार ने अपनी टीम सहित नेरचैक कस्बे के बीचोंबीच पुलिसकर्मी को होटल में ग्राहक बनाकर 2500 रूपए में सौदा कर बड़ी कार्रवाई अमल में लाई गई। पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार मंडी जिला पुलिस के तहत बल्ह पुलिस थाना में पिछले लंबे समय से क्षेत्र के एक होटल में जिस्मफरोशी के धंधे को अंजाम दिए जाने की शिकायत प्राप्त हो रही थी। इस पर पुलिस द्वारा जांच किये जाने थाना प्रभारी बल्ह राजेश कुमार ने अपनी टीम के एक पुलिसकर्मी को होटल में ग्राहक बनाकर भेजा। होटल पहुंचने पर पुलिसकर्मी ने मौके पर मौजूद होटल कर्मचारी से 2500 रूपए में लड़की उपलब्ध करवाने की डील की गई। इसके उपरांत होटल में कर्मचारी द्वारा पैसे लेकर पूर्वोत्तर भारत के राज्य सिक्किम की दो लड़कियां उपलब्ध करवा दी गई। इसके इसके साथ ही पुलिस टीम ने होटल में दबिश देकर दोनों लड़कियों को रेस्क्यू करने के साथ ही दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया गया। मामले में बल्ह पुलिस द्वारा इम्मोरल ट्रैफिक एक्ट की धारा 3,4 और 5 के तहत मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी। मामले की पुष्टि करते हुए शालिनी अग्निहोत्री ने कहा कि बल्ह पुलिस को पिछले काफी लंबे समय से क्षेत्र के एक होटल में देह व्यापार का धंधा करने को लेकर शिकायतें प्राप्त हो रही थी। इस पर बल्ह पुलिस द्वारा कार्रवाई करते हुए देह व्यापार के रैकेट चलाने वाले होटल मालिक और कर्मचारी को गिरफ्तार और दो लड़कियों को रेस्क्यू किया गया है। उन्होंने कहा कि इस दौरान पैसे की लेनदेन को लेकर पुलिस द्वारा पुष्टि की गई है। उन्होंने कहा कि पुलिस ने विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज आगामी करवाई शुरू कर दी है।
जिला मंडी के धर्मपुर उपमंडल की ग्राम पंचायत बिंगा के बिंगा तयोल गांव निवासी कर्नल बलबीर सिंह 40 वर्ष सेना में अपनी सेवाएं देने के बाद 31 मई को सेवानिवृत्त हो गए कर्नल बलबीर सिंह 1981 में 17 वर्ष की आयु में भारतीय सेना में सिपाही के पद पर भर्ती हुए। इन्होंने अपनी ग्रेजुएशन की पढ़ाई जारी रखी और ग्रेजुएशन पूरी करने के बाद सेना में रहते हुए कमीशन पास किया और लेफ्टिनेंट बन गए। इनकी हाई स्कूल तक की शिक्षा राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मंडी से हुई। अपनी 40 वर्ष सेना में सेवा के दौरान इन्होंने देश के भिन्न-भिन्न क्षेत्रों में अलग-अलग पदों पर रहते हुए अपनी सेवाएं दी।1999 के कारगिल युद्ध में भी भाग लिया। कर्नल बलबीर सिंह भूटान भी गए वहां पर इन्होंने भूटान आर्मी को भी ट्रेनिंग दी। 40 वर्षों की सेवा के दौरान इन्हें कई मेडल भी मिले गौरतलब है कि इनके दादा मंगल सिंह ठाकुर ने प्रथम विश्वयुद्ध में हिस्सा लिया था। और देश को आजाद कराने के लिए आजादी की लड़ाई लड़ी थी उन्हीं से प्रभावित होकर इन्होंने भी सेना में जाने का फैसला किया। इन्हीं के परिवार से स्वर्गीय जय सिंह ठाकुर भी भारत तिब्बत सीमा पुलिस में कमांडेंट के पद पर रहे हैं।
मुख्यमंत्री के विधानसभा क्षेत्र के बालीचौकी में आज भारत की जनवादी नौजवान सभा क्षेत्रीय कमेटी बाली चौकी ने जिला कमेटी के आव्हान पर तहसीलदार के माध्यम से मुख्यमंत्री को 6 सूत्री मांग पत्र सौंपा। जिसमें मुख्य रुप से कोरोना महामारी की फ्री वक्सीनशन हर स्वास्थ्य केंद्र पर किये जाने की मांग की गई। उन्होंने कहा की करोना वैक्सीनेशन की प्रक्रिया बहुत जटिल है जिसके चलते बहुत से लोग बुकिंग नहीं कर पा रहे हैं। अगर बुकिंग हो रही है तो लोगों को वैक्सीनेशन करने के लिए बहुत दूर दराज के क्षेत्र मिल रहे हैं जिससे लोग वैक्सीनेशन करने दूरदराज क्षेत्रों में नहीं जा पा रहे हैं और जिसकी वजह से बहुत सी वैक्सीन वेस्ट हो रही है। नौजवान सभा ने साथ ही यह मांग करती है कि ऑनलाइन प्रक्रिया को बंद करते हुए सार्वजानिक रूप से हर स्वास्थ्य केंद्र में करोना की फ्री वैक्सीनेशन की जाए। उन्होंने मांग की है की करोना के कारण मृत्यु होने पर परिवार को पांच लाख रुपए तक का मुआवजा दिया जाए। मनरेगा में शीघ्र अति शीघ्र हर व्यक्ति को रोजगार दिया जाए। निजी शिक्षण संस्थानों की लूट पर रोक लगाते हुए दाखिला फीस को माफ किया जाए। हर परिवार जो टैक्स नहीं देता है उसके खाते में 6 महीने तक 7500 रुपए डाले जाए। हर विद्यार्थी को फ्री इंटरनेट मुहैया करवाया जाए। नौजवान सभा ने मुख्यमंत्री से यह मांग की है कि शीघ्र अति शीघ्र उपरोक्त मांगों पर हस्तक्षेप करते हुए मांगों को पूरा किया जाए।
उपमंडल सरकाघाट की नवगठित पंचायत रिस्सा में आजकल मनरेगा रोजगार एवं आय का मुख्य साधन बना है। इसके लिए मुख्य श्रेय जाता है अपनी भरसक मेहनत और लगन से काम करने वाली पंचायत प्रधान लता देवी को, जिन्होंने इस करोना काल में जरूरतमंद लोगों को मनरेगा में रोजगार देकर रोजगार से वंचित नहीं रहने दिया। गांव-घर में रहनेवाले लोगों के लिए मनरेगा वरदान साबित हो रहा है, अभी जिस प्रकार का संकट है। रोजी-रोजगार सबसे बड़ी समस्या बन गयी है। ऐसे में मनरेगा में काम कर कई लोग परिवार की जीविका चला रहे हैं। रिस्सा पंचायत में सैकड़ों परिवारों को मनरेगा से रोजगार मिला है। यह परिवार पूरे लॉकडाउन में अपने गांव में मजदूरी कर रहे हैं। प्रत्येक परिवार से एक-एक सदस्य मजदूरी कर रहे हैं तो कईयों को आने वाले समय में रोजगार देंगे। अभी लगभग हरेक गांव में मनरेगा के तहत कई कार्य चल रहें हैं। जिससे लोगों को अच्छी कमाई भी हो रही है। घर का चूल्हा चौका भी चल रहा है। कार्यस्थल पर बरती जा रही कोरोनावायरस से बचाव के लिए सावधानियां : आज-कल कोरोना महामारी से बचाव के लिए मनरेगा कार्य स्थल पर पंचायत की ओर से काफी सावधानियां भी बरती जा रही हैं। प्रधान द्वारा कार्य कर रहे मजदूरों को कोरोना वायरस से बचाव के लिए आवश्यक जानकारी भी समय-समय पर दी जा रही है। कार्यस्थल पर मनरेगा मजदूरों को शारीरिक दूरी का पालन करने, मास्क लगाकर कार्य करने, स्वच्छता के लिए साबुन से हाथ धोने, छाया की व्यवस्था, पेयजल की व्यवस्था सहित अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है। सभी मजदूर शारीरिक दूरी बना कर कार्य कर रहे हैं। मुंह-नाक को मास्क से ढक रहे हैं।
उपमंडल सरकाघाट की नवगठित पंचायत रिस्सा में आजकल मनरेगा रोजगार एवं आय का मुख्य साधन बना है। इसके लिए मुख्य श्रेय जाता है अपनी भरसक मेहनत और लगन से काम करने वाली पंचायत प्रधान लता देवी को, जिन्होंने इस करोना काल में जरूरतमंद लोगों को मनरेगा में रोजगार देकर रोजगार से वंचित नहीं रहने दिया। गांव-घर में रहनेवाले लोगों के लिए मनरेगा वरदान साबित हो रहा है, अभी जिस प्रकार का संकट है। रोजी-रोजगार सबसे बड़ी समस्या बन गयी है। ऐसे में मनरेगा में काम कर कई लोग परिवार की जीविका चला रहे हैं। रिस्सा पंचायत में सैकड़ों परिवारों को मनरेगा से रोजगार मिला है। यह परिवार पूरे लॉकडाउन में अपने गांव में मजदूरी कर रहे हैं। प्रत्येक परिवार से एक-एक सदस्य मजदूरी कर रहे हैं तो कईयों को आने वाले समय में रोजगार देंगे। अभी लगभग हरेक गांव में मनरेगा के तहत कई कार्य चल रहें हैं। जिससे लोगों को अच्छी कमाई भी हो रही है। घर का चूल्हा चौका भी चल रहा है। कार्यस्थल पर बरती जा रही कोरोनावायरस से बचाव के लिए सावधानियां : आज-कल कोरोना महामारी से बचाव के लिए मनरेगा कार्य स्थल पर पंचायत की ओर से काफी सावधानियां भी बरती जा रही हैं। प्रधान द्वारा कार्य कर रहे मजदूरों को कोरोना वायरस से बचाव के लिए आवश्यक जानकारी भी समय-समय पर दी जा रही है। कार्यस्थल पर मनरेगा मजदूरों को शारीरिक दूरी का पालन करने, मास्क लगाकर कार्य करने, स्वच्छता के लिए साबुन से हाथ धोने, छाया की व्यवस्था, पेयजल की व्यवस्था सहित अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है। सभी मजदूर शारीरिक दूरी बना कर कार्य कर रहे हैं। मुंह-नाक को मास्क से ढक रहे हैं।
मंडीवासियों को कोरोना से सावधान करने के लिए अब खुद ‘शक्तिमान’ मैदान में उतर आया है। हालांकि इसमें शक्ति असली वाली नहीं है...पर इच्छाशक्ति किसी से कम नहीं है। दरअसल ये भारत के पहले टीवी सुपर हीरो शक्तिमान का मंडयाली वर्जन है। जो मंडी में शहर, गली, कूचे में घूम-घूम कर लोगों को कोरोना के पूरी तरह खत्म होने तक किसी भी सूरत में लापरवाह नहीं होने की सीख व संदेश दे रहा है। बता दें, सूचना एवं जन संपर्क विभाग व्यापक जागरूकता के लिए निराले अंदाल और नित नए व आकर्षक तरीकों से कोरोना से बचाव व सावधानी को लेकर संदेश का जन-जन तक प्रसार करने में जुटा है। आशा है...लोग संदेश समझेंगे और अपनाएंगे उपायुक्त ऋग्वेद ठाकुर ने कहा कि मंडी जिला में सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के कलाकार अलग अलग जगहों पर अलग अलग तरीके अपनाकर लोगों को जागरूक करने का प्रयास कर रहे हैं। टीवी, कॉमिक्स, सिनेमा जगत इत्यादि के लोकप्रिय किरदारों का रूप बना कर ‘जब तक कोरोना है, लापरवाह नहीं होना है’ इस तरह के संदेश दे रहे हैं। ये मैसेज देने का एक आकर्षक तरीका है और आशा है कि लोग इस संदेश को समझेंगे और अपनाएंगे। उन्होंने कहा कि मामले घटने पर सावधानियां बरतने को लेकर लोगों के व्यवहार में थोड़ी लापरवाही आ जाती है। इससे संक्रमण पुनः फैलने का खतरा रहता है। ऐसे में यह समझना बहुत जरूरी है कि जब तक कोराना का एक भी केस है, हमें लापरवाह नहीं होना है। दिलों में बसता है शक्तिमान नब्बे के दशक में शक्तिमान ने बच्चों-बड़ों-बूढ़ों सभी को अपना दीवाना बनाया था। ये उस दौर का सबसे हिट शो और सबका चहेता किरदार था। अभिनेता मुकेश खन्ना के शानदार अभिनय से शक्तिमान का किरदार लोगों के दिलों में बस गया है। शो के खत्म होने के बाद ‘छोटी छोटी मगर मोटी बातें’ दिखाई जाती थीं, जिसमें बच्चों को नैतिक सीख दी जाती थी। शक्तिमान जब बच्चों को गलती पर टोकता था, तो वे सॉरी शक्तिमान कह कर अपनी गलती का सुधार करते थे। ...सॉरी शक्तिमान ‘छोटी छोटी मगर मोटी बातें’ की तर्ज पर शक्तिमान के मंडयाली वर्जन में सूचना जनसंर्पक विभाग के कलाकार वेद कुमार ने भी जब कुुछ लोगों को मास्क ठीक से न पहनने या दो गज की दूरी के पालन में कोताही पर टोका, तो उनके मुंह से भी अनायास ही सॉरी शक्तिमान निकल गया। लोगों ने अपनी गलती सुधारी और आइंदा से गलती न दोहराने का वायदा किया। शक्तिमान ने लोगों से आग्रह किया कि मास्क को सही तरीके से पहनें। हाथों को बार बार धोते रहें अथवा सैनिटाइजर का प्रयोग करें। लोगों से मिलते हुए दो गज की दूरी के नियम का पालन करें। गैहरू लंबड़दार भी डटे रहे मोर्चे पर वहीं गैहरू लंबड़दार के किरदार में कलाकार हरदेव ने लोगों को चेताया कि कोरोना कर्फ्यू खुलने के दौर में भी सावधानी न छोड़ें। इसके अलावा धर्मपुर, करसोग, बल्ह और गोहर में कलाकारों ने अलग अलग किरदार और निराले अंदाज में गांव गांव घूम कर जागरूकता की अलख जगाई।
मंडी सिराज विधानसभा क्षेत्र छतरी में फंदे से झूल गई 22 साल की गर्भवती, सास और दो ननदें करती थीं प्रताड़ित मंडी हिमाचल प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ हो रहे अत्याचार के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। वहीं, अब इन अत्याचारों से परेशान होकर महिलाओं ने आत्महत्या जैसे कदम उठाने भी शुरू कर दिए हैं, जो की एक गंभीर समस्या है। इसी कड़ी में ताजा मामला प्रदेश के मंड़ी जिले स्थित उपमंडल सुंदरनगर से सामने आया है। जहां एक 22 वर्षीय गर्भवती विवाहिता ने फंदा लगा कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली।महिला के साथ-साथ उसके गर्भ में पल रहे बच्चे का जावन भी उसकी मां के साथ समाप्त हो गया। वहीं, अपनी बेटी द्वारा उठाए गए इस कदम पर पिता ने उसकी दो ननंद और सास-ससुर पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा है कि वे मेरी बेटी को मानसीन रूप से परेशान करते थे। घटना की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और इस घटना पर मामला दर्ज कर आगामी जांच शुरू कर दी है।वहीं, मृतक महिला का नाम सपना देवी पत्नी आलम चंद था। मृतिका करसोग से लगभग 11 किलोमीटर दूर बखरोट के समीप दलाग गांव की रहने वाली बताई गई है। बता दें कि सपना की शादी पिछले वर्ष आलम चंद से हुई थी। बेटी द्वारा उठाए गए इस खौफनाक कदम पर मृतका के पिता राजेश कुमार ने ससुराल पक्ष पर आरोप लगाया है कि वे शादी के बाद मेरी बेटी को मानसिक रूप से प्रताड़ित करते थे। इस बारे में कई बार सपना ने उन्हें फोन पर जानकारी भी दी थी।पिता का यह भी कहना है कि सास ससुर द्वारा दी जाने वाली प्रताड़ना से परेशान होकर ही उनकी बेटी ने इतना संगीन कदन उठाया है। मामले की पुष्टि करते हुए डीएसपी गुरबचन सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि शव छतरी से करसोग अस्पताल लाया गया तथा वहां से पोस्टमार्टम के लिए शिमला आईजीएमसी रेफर कर दिया गया है। इसके साथ ही डीएसपी ने कहा कि जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके आधार पर आगे की कार्यवाही अमल पर लाई जाएगी।
मंडी सिराज विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत गुडाह के ग्राम केंद्र शंकरदेहरा में सोमवार को प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने इस करोना महामारी के संकट काल में अपने निर्वाचन क्षेत्र के अति गरीब लोगों को मदद के लिए हाथ आगे बढ़ाते हुए अपनी धर्मपत्नी डॉक्टर साधना ठाकुर को गांव गांव मे लोगों के बीच भेज कर लोगों को कोरोना जैसी महामारी के चलते प्रेरित करते हुए कहा की इस करोना काल में लोग भ्रमित ना हो इस महामारी का डटकर सामना करना है और इसके नियमों का भी पालन करते रहे। सरकार भी अपने स्तर पर पूरी तरह इस बीमारी को निपटने के लिए तैयार हैं और हर संभव प्रयास कर रही है। साथ ही गरीब लोगों को आटा, चावल, दाल, तेल, चमनप्राश ,काढा और मासक इत्यादि दिये गए। डॉक्टर साधना का कहना है कि किसी भी गरीब व्यक्ति को जिस भी तरह की सहायता की जरूरत रहेगी हम उनके लिए दिन-रात हर संभव सहायता का प्रयास करेंगे। इस बीच उनके साथ ग्राम केंद्र प्रधान राज शर्मा पूर्व प्रधान खजाना राम शर्मा , चुरामणि ,जितेंद्र ,रंजना शर्मा और मित्र देव शर्मा और सभी कार्यकर्ता मौजूद रहे।
जोगिंदर नगर नप के उपाध्यक्ष अजय धरवाल ने जारी ब्यान में कहा कि इस कोरोना काल में सरकार द्वारा जारी कोरोना संक्रिमितों के लिए किट पर भी जोगिन्दर नगर भाजपा के नेता राजनीतिक लाभ लेने के लिए कोरोना प्रोटोकॉल को दरकिनार करते हुए कोरोना संक्रिमितों और उनके पारिवारिक सदस्यों को विश्रामगृह ,वर्षा शालिका व सड़क किनारे बुला किटें बांट रहे है। जिस से संक्रमण फैलने की संभावना है। उन्होंने कहा कि होना तो यह चाहिए की इन कीटों को आशा वर्कर्स के माध्यम से संक्रिमितों को घर घर पहुंचाया जाए। जिस से की कोरोना प्रोटोकॉल भी कायम रहे और संक्रिमितों को भी इस किट का लाभ मिले। धरवाल ने कहा कि भाजपा नेताओं को इस समय इस प्रकार का गैर जिमेवाराना व्यवहार नहीं करना चाहिए। इस समय इस मुश्किल दौर में जहाँ सरकार, विपक्ष व समाज का हर एक इंसान जहां अपनी ओर से कुछ न कुछ योगदान देने का प्रयास कर रहा है ताकि इस कोरोना महामारी से जनता की रक्षा की जा सकें लेकिन जोगिन्दर नगर भाजपा के नेताओं का इस प्रकार का व्यवहार कहीं भी तर्कसंगत नहीं है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के निम्न कृत्य के लिए जोगिन्दर नगर भाजपा जनता से माफी मांगे। क्योंकि इस महामारी के दौर अपनी राजनीति चमकाने के लिए लोगों की जान से खिलवाड़ करना सही नहीं है।
उपमंडल सरकाघाट के निवासी तथा प्रदेश भाजपा कार्यकारिणी के सदस्य किशोर राणा ने इस कोरोनाकाल में अब तक जरूरतमंद मरीज़ों को पांचवा ऑक्सीजन कंसंट्रेटर सोमवार को सरकाघाट स्थित न्यू राणा मेडिकल स्टोर के संचालक मुकेश राणा तथा सतीष रनोट के हाथों निशुल्क प्रदान किया है। इस मौके पर किशोर राणा खुद भी मौजूद रहे। किशोर राणा उपमंडल सरकाघाट की ग्राम पंचायत रोपडी के गांव नौणू के निवासी हैं। यह पेशे से व्यवसाई है और किशोर राणा सामाजिक गतिविधियों में भी आगे रहते हैं। टांडा मेडिकल कॉलेज में जन औषधि भंडार के वितरण की जिम्मेदारी किशोर राणा की है। सरकाघाट का कोई भी व्यक्ति इलाज के लिए अगर टांडा मेडिकल कॉलेज जाता है तो वहां उनकी किशोर राणा हर संभव मदद करते हैं।
कोरोना के खिलाफ जारी जंग में स्वास्थ्य विभाग की टीमें अपनी जान जोखिम में डालकर अदृश्य वायरस को हराने में जुटी हुई हैं। विकासखंड करसोग की अतिदुर्गम पंचायतों में वैक्सीनेशन करने के लिए हेल्थ विभाग को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी रही है। यहां शुक्रवार को दूरदराज की सरतेयोला पंचायत में चलने फिरने में असमर्थ बुजुर्गों को कोरोना की वैक्सीन लगाने के लिए हेल्थ विभाग की टीम ढांक पार कर जेसीबी की बकेट में बैठकर पंचायत भवन पहुंची। आजादी के सात दशक बाद भी अभी तक सरतेयोला पंचायत सड़क सुविधा से नहीं जुड़ी है। हालांकि घरद्वार पर कोरोना वैक्सीन लगाने से बुजुर्गों ने राहत की सांस ली। स्वास्थ्य विभाग ने कठिन भौगोलिक स्थिति को देखते हुए सरतेयोला पंचायत के बुजुर्गों को पंचायत में टीकाकरण करने का निर्णय लिया था। ज़िसके लिए लोगों ने स्वास्थ्य विभाग का आभार प्रकट किया है। सरतेयोला पंचायत में वैक्सीन लगाने पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम में रमेश वर्मा फार्मासिस्ट माहूनांग, फीमेल हेल्थ वर्कर कुनहों कला ठाकुर व याचना हेल्थ सब सेंटर चिंडी शामिल थे। इसके लिए स्थानीय प्रधान तिलक वर्मा ने बीएमओ करसोग सहित हेल्थ विभाग की टीम का आभार प्रकट किया है। प्रधान तिलक वर्मा ने बताया कि दूरदराज की पंचायत सरतेयोला में वैक्सीनेशन किया गया। ये पंचायत अभी तक सड़क सुविधा से नहीं जुड़ी है। स्वास्थ्य विभाग ने इस दुर्गम पंचायत में वैक्सीनेशन के लिए टीम भेजी। ऐसे में चलने फिरने में असमर्थ बुजुर्गों को घरद्वार पर ही टीका लगा। उन्होंने भविष्य में भी टीकाकरण के लिए पंचायत में टीम भेजे जाने का आग्रह किया है। ताकि दूरदराज के लोगों को वैक्सीन के लिए परेशानियों का सामना न करना पड़े। इस काम के स्वास्थ्य विभाग की टीम के जज्बे की सराहना की जा रही है।
मंडी जिला प्रशासन ने कोरोना वैक्सीन लेने के लिए वैक्सीनेशन केंद्र पर आने में असमर्थ दिव्यांगजनों के टीकाकरण को लेकर सराहनीय पहल की है। 45 साल से अधिक आयु के ऐसे सभी लोगों को उनके घर से नजदीकी टीकाकरण केंद्र पर लाने और टीकाकरण के बाद वापिस घर छोड़ने का जिम्मा प्रशासन ने अपने ऊपर लिया है। अतिरिक्त उपायुक्त जतिन लाल ने इसे लेकर जानकारी देते हुए बताया कि मंडी जिला में दिव्यांगजनों की मदद के लिए जिला रेडक्रॉस सोसाइटी के सहयोग से सारे इंतजाम किए गए हैं। उन्होंने कहा कि 45 साल से अधिक आयु के ऐसे सभी दिव्यांगजन जो वैक्सीनेशन केंद्र पर आने में असमर्थ हैं, वे टीकाकरण को लेकर मदद लेने के लिए जिला आपदा प्रबंधन केंद्र के टोल फ्री नंबर 1077 अथवा जिला रेडक्रॉस सोसाइटी के सचिव ओपी भाटिया के मोबाइल नंबर 94180-66900 पर संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के निर्देशानुसार जिला में कोरोना वैक्सीनेशन में दिव्यांगों को प्राथमिकता पर कवर करने के प्रयास किए जा रहे हैं। वहीं, जिला टीकाकरण अधिकारी एवं जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दिनेश ठाकुर ने बताया कि मंडी जिला में कोरोना टीकाकरण का कार्य सुचारू रूप से चल रहा है। जिला में अभी तक कोरोना वैक्सीन की 3.68 लाख से अधिक डोज दी जा चुकी हैं। चरणबद्ध तरीके से 18 प्लस के सभी लोगों को कोरोना कि डोज़ देने के लिए कार्य किया जा रहा है।
मंडी.सिराज विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत वरयोगी में वीरवार को सेवा ही संगठन कार्यक्रम के तहत बूथ अध्यक्ष राम बहादुर के द्वारा पोलिंग बूथ घरटेहड के विभन्न गाँवो में लोगों को मास्क वितरित किए और साथ ही उन्होंने सभी से इस संकट की घडी में सरकार के दिशा निर्देशानुसार सहयोग की अपील भी की। उन्होंने कहा की लोग इस बीमारी को हल्के में ले रहे हैं जोकि बिलकुल अनुचित है। बहुत सारे लोग गांव में बुखार और जुखाम की वजह से बीमार पड़े हैं। उन्होंने। सभी से आग्रह किया वे लोग अपना टेस्ट समय पर करवा ले तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतें। उन्होंने कहा कि जो लोग टेस्ट करवाने से डर रहे उन्हें बिलकुल भी डरने की आवश्यकता नहीं है। समय पर टेस्ट करवाने से आवश्यक एहतियात बरतने पर कोरोना से जंग जितना संभव है। साथ ही उन्होंने लोगों को वैक्सीन लगवाने पर भी ज़ोर दिया। उन्होंने से लोगों से अपील की कि सभी लोग कोरोना वैक्सीन की डोज़ जरूर ले।
कोरोना और कोरोना कर्फ्यू से प्रभावित जरूरतमंद लोगों को ऋग्वेद आटो मोबाइल बग्ला की तरफ से राशन की किट मुहैया कराई जाएगी। ऋग्वेद ऑटोमोबाइल के एमडी भोपाल सिंह ने बताया कि इस राशन की किट मे 10 किलोग्राम आटा, 5 किलोग्राम चावल, 5 किलोग्राम आलू, दालें, मसाला,नमक और रिफाइंड तेल होगा। उन्होंने कहा कि कोरोना कर्फ्यू के चलते कई लोगों का काम बंद हो गया है और लोग संकट में फंस गए हैं। उन्होंने बताया कि पहले चरण में एक सौ राशन की किट जरूरतमंद लोगों को दी जाएगीं। उन्होंने अपने क्षेत्र की पंचायतो और नगर परिषद के चुने गए प्रतिनिधियों से आग्रह किया है कि अगर उनके क्षेत्र मे कोरोना या फिर कोरोना कर्फ्यू से प्रभावित परिवार को राशन आदि की समस्या है तो उन्हें उनके मोबाइल नंबर 98171-00007 पर इस बात की जानकारी दें ताकि जरूरतमंद परिवार के पास राशन की किट पहुंचाई जा सके।
सरकाघाट विधानसभा क्षेत्र में होम आइसोलेशन में रह रहे कोरोना संक्रमितों के घरों तक होम आइसोलेशन किट पहुंचाने के वितरण का शुभारंभ आज स्थानीय विधायक कर्नल इन्द्र सिंह ने किया। विधायक ने कहा कि कोरोना संक्रमित होम आइसोलेशन में रह रहे रोगियों की बेहतर देखभाल हो सके उसके लिए मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर जी ने यह किट भेजी है। कर्नल इन्द्र सिंह ने होम आइसोलेशन किट को सी.एच.सी.बल्दवाड़ा, पी.एच.सी. फतेहपुर,पी.एच.सी. गोपालपुर, सिविल हॉस्पिटल सरकाघाट तथा विधानसभा के अन्य क्षेत्रों में वितरण के लिए आशा वर्कर को यह किट दिये। साथ ही माननीय विधायक ने करोना संक्रमित लोगों को उनके घर जाकर भी किट वितरित किए। इस मौके पर एसडीएम सरकाघाट जफर इकबाल तथा डीएसपी सरकाघाट चंद्रपॉल मौजूद रहे।
सरकाघाट उपमंडल के तहत आने वाली नव गठित पंचायत रिस्सा को इस महामारी से बचाव हेतू अपने हाथों से बनाए सौ मास्क अनील गुप्ता को सरकाघाट में भेंट किए। इनको बनाने वाले और कोई नहीं बल्कि हमारे देश की रक्षा करने वाले एक देशभक्त सैनिक कश्मीर सिंह तथा उनकी धर्मपत्नी हैं। जो अपने सामाजिक कार्यों को लेकर आजकल सुर्खियों में हैं। आपको बता दें यह सैनिक सरहद पर ड्यूटी के साथ साथ अपने गांव तथा आसपास के गांवों में अब तक सैकड़ों गरीब असहाय लोगों की मदद कर चुके हैं और अपने ही गांव में बनाए युवा स्पोर्ट्स क्लब बल्हडा के अहम प्रधान पद पर भी आसीन हैं। सरकाघाट के अंतर्गत आने वाली धनालग पंचायत के समाजसेवी एवं देश प्रेमी कश्मीर सिंह तथा उनकी धर्मपत्नी के जज्बे को सभी सलाम करते हैं। इनके इस नेक कार्य के लिए रिस्सा के सामाजिक कार्यकर्ता सुनील कुमार शर्मा तथा समस्त पंचायत प्रतिनिधियों ने आभार व्यक्त किया है।
कोरोना काल में जहां पर सरकार व प्रशाशन कोरोना पीड़ितों को आर्थिक मदद देने में जुटी है। वह इसकी चैन को तोड़ने के लिए अनेको प्रयास किए जा रहे है। लेकिन इस संकट की घड़ी में भी कुछ लोग राजनीतिक रोटियां सेकने के लिए कई नितिया अपना रहे है। हम बात कर रहे हैं करसोग उपमंडल की । जहां पर बुधवार को भाजपा नेता युवराज कपूर, नवीन गुप्ता व कुछ अन्य लोगों ने मंडल करसोग की तरफ से थाना करसोग में एक प्राथमिक दर्ज करवाई जिसमें इन नेताओं ने लिखित तौर पर शिकायत की है कि एक व्यक्ति जो कि फेसबुक पर पवन कुमार के नाम से आइडी चला रहा है उक्त व्यक्ति द्वारा मुख्यमंत्री हिमाचल प्रदेश जयराम ठाकुर को फेसबुक के माध्यम से अभद्र टिप्पणी लिखने का आरोप लगाया है। जिसको लेकर अब करसोग थाना में रिपोर्ट लिख दी गई है। वहीं पुलिस ने छानबीन शुरू कर दी है। जिसकी पुष्टि डीएसपी सुंदर नगर गुरबचन सिंह ने की है। वही भाजपा नेता युवराज कपूर ने बताया कि ने बताया कि फेसबुक पर मर्यादा के आधार पर अपनी आवाज उठाने में कोई बुराई नहीं है लेकिन अमर्यादित भाषा लिखने से जहा लोगों पर गलत मैसेज जाता है। वही व्यक्ति की मानसिकता पर भी प्रभाव पड़ता है भाजपा मंडल करसोग ने इसका भरपूर विरोध जताया है। अब देखना यह होगा पुलिस इस पर किस तरह की कार्यवाही करती है।
हिमाचल प्रदेश युवा कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष यदोपती ठाकुर ने सरकाघाट विधानसभा की ग्राम पंचायत रोपडी मे स्थित उप स्वास्थ्य केंद्र में आशा वर्करो से मुलाकात कर इस कोरोना काल में उनके द्वारा किए जा रहे कार्यो की सराहना कर उन्हें सम्मानित किय । आशा वर्करो ने बताया कि वो कोरोना संक्रमित व्यक्तियो के घर उनके हाल चाल जानने तथा उनके घर दवाईया इत्यादि पहुंचाती है, जिसकी वजह से वह कई कोरोना संक्रमित लोगों के सम्पर्क में भी आती है। कोरोना संक्रमित व्यक्तियो के सम्पर्क में आने के कारण आशा वर्करो को अपने घर में भी परिवार से अलग रहना पड़ रहा है । हिमाचल प्रदेश युवा कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष यदोपती ठाकुर ने कहा कि कोरोना महामारी की इस भयानक घड़ी में भी आशा वर्करों को सरकार द्वारा सिर्फ़ 2250/- रुपए मानदेय दिया जा रहा है तथा पिछले 3 माह से आशा वर्करो को उनका मानदेय भी नहीं मिल रहा है । यदोपती ठाकुर ने कोविड-19 के बचाव के लिए दिन रात घर व हर दर पहुंचने वाली आशा वर्करो की जोरदार पैरवी करते हुए कहा कि कोविड-19 के फ़्रन्ट मोर्चे में लड़ रही इस गरीब जमात का सरकार इस दौर में शोषण ना करें तथा पिछले 3 माह से उनका मानदेय रोका जाना इस वर्ग के साथ सरासर नाइंसाफी है। आशा वर्करो की सेवाएं समाज के लिए प्रेरणादायक है। करीब 50 रुपए प्रति रोज पर काम करने वाली यह बेवस आशा वर्कर निराशा के दौर में है । यदोपती ठाकुर ने सरकार से मांग की है कि आशा वर्करो का मानदेय बढाए तथा कोरोना काल में इन्हें अतिरिक्त व आकर्षक मानदेय भी जारी करें ताकि इस वर्ग के साथ न्याय हो सके । यदोपती ठाकुर ने बताया कि पूरे सरकाघाट विधानसभा में जितनी भी आशा वर्कर है हम उन सभी को उनके द्वारा कोविड काल में दी जा रही बेहतरीन सेवाओ के लिए सम्मानित करेंगे । इस दौरान परसदा हवाणी पंचायत के उप-प्रधान लश्करी राम, सरकाघाट युवा कांग्रेस के उपाध्यक्ष सौरभ शर्मा, अंकुश शर्मा, दलेर सिंह पराशर, शशी ठाकुर इत्यादि मौजूद रहे ।
नप उपाध्यक्ष अजय धरवाल ने फिर से कोरोना संक्रमित महिला के अंतिम संस्कार में उनके परिवार की मदद कर मानवता की मिसाल पेश की है। रविवार को 36 वर्षीय महिला की कोरोना से सिविल अस्पताल पहुंचते ही मृत्यु हो गई। उक्त महिला गांव बसाहल डाकघर चौंतड़ा की निवासी थी। इस महिला के पति भी कोरोना महामारी की चपेट में है ओर उन्हें आज सुबह ही नेरचौक मेडिकल कॉलेज में भेजा गया है। यह महिला अपने पीछे एक बेटा व एक बेटी छोड़ गई। इस महिला के अन्तिम संस्कार में नगर परिषद के उपाध्यक्ष अजय धरवाल मौजूद रहे व उन्होंने पारिवारिक सदस्यों के साथ मिल कर इस महिला का अन्तिम संस्कार मोक्षधाम जोगिन्दर नगर में करवाया। अजय धरवाल ने लोगों से निवेदन किया है कि इस महामारी की दौर में सभी एक दूसरे का सहारा बने ओर कोरोना से मृत व्यक्ति से संक्रमण नहीं फैलता है बस कुछ एतिहात बरतनी होती है तथा कोविड प्रोटोकॉल को अपनाना होता है।
सरकाघाट 22 मई कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व आबकारी एवं कराधान मंत्री रंगीला राम राव ने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में प्रदेश भर में स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल हो चुकी है l सिर्फ और सिर्फ ठेकेदारों और धन्ना सेठों की तिजोरियाँ भरने का ही काम हो रहा है l अस्पतालों पर बड़े-बड़े बोर्ड टांग कर नाम बदला जा जा रहा हैं लेकिन ना तो उन में पैरामेडिकल स्टाफ भरा जा रहा है और ना ही डॉक्टरों और नर्सों के रिक्त पद भरे जा रहे हैं l उन्होंने सरकाघाट के थौना में हुई दीप जीप दुर्घटना में मारी गई 4 महिलाओं की मौत पर दुख जताते कहा की अगर पीएचसी में डॉक्टर तैनात होता और भद्रोता क्षेत्र के लिए एक भी एंबुलेंस का प्रावधान किया होता तो यह जाने नहीं जा सकती थी l पूर्व मंत्री राव ने कहा की उन्होंने अपने कार्यकाल मे सरकाघाट विधानसभा क्षेत्र के नागरिक अस्पताल के अलावा 8 प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र और बल्द्वाड़ा में नागरिक अस्पतालों का ना सिर्फ निर्माण करवाया था बल्कि इन सभी अस्पतालों मे पूरा स्टाफ़ भी मुहैया करवाया था l परंतु जैसे ही भाजपा सरकार सत्ता में आई तो उन्होंने मेडिकल कॉलेजों के नाम पर डॉक्टरों को यहाँ से हटा दिया l यहां तक कि पींएचसी में जो नर्सो की नियुक्तियां की गईं थी उन्हें भी वहाँ से हटा हटा दिया है l अब यह स्वास्थ्य संस्थान शोपीस बने हुए हैं l पूर्व मंत्री ने की कहा पीएचसी स्वास्थ्य सेवाओं की रीड की हड्डी होती है कोई भी हादसा हो तो इस महामारी के दौर में रोगियों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जाना सबसे बड़ी प्राथमिकता होती है और वर्तमान स्थिति की गंभीरता को देखते हुए यह जरूरी है कि पीएचसी में स्टाफ मौजूद हो ताकि नजदीक कोई भी होने वाली दुर्घटना के वक्त गंभीर मरीज को तुरंत यहाँ प्राथमिक उपचार करके बड़े अस्पताल पहुंचाया जा सके l उन्होंने भाजपा विधायक कर्नल इंदर सिंह के कार्यकाल को नाकामियों भरा बताते कहा कि विधायक कोप भवन में कैद होकर रह गए हैं साढ़े 3 सालों में सरकाघाट में स्वास्थ्य सेवाओं और सड़कों का बुरा हाल है l कोई भी विकास कार्य अंजाम नहीं दिए जा रहे हैं l जनता महंगाई बेरोज़गारी से लेकर कई कमियों से जूझ रही है परंतु विधायक ग़ायब है l राव ने कहा की जीप हादसे में जो महिलाएं मारी गई है उनकी जान तो नहीं लौटाई जा सकती है परंतु सरकार को उनके परिवारों को उचित मुआवजा दिया जाना चाहिए l साथ ही सरकाघाट उपमंडल भर में स्वास्थ्य सेवाओं के रिक्त पड़े तमाम डॉक्टरों पैरामेडिकल स्टाफ और नर्सों के पद भरे जाने चाहिए l राव ने कहा की वह इस दुख की घड़ी में शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं l
सरकाघाट(सुनील कुमार शर्मा) :उपमंडल सरकाघाट की ग्राम पंचायत थौना में एक जीप सडक से लुढक गहरी खाई में गिर गई। इस दर्दनाक हादसे में दो महिलाओं की मौत और चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गये है । घायलों की स्थिति नाजुक बनी हुई है। मिली जानकारी के अनुसार गैहरा गांव से कुछ लोग एक डाला जीप में सवार होकर राशन डिपो थौना से राशन लेने गये थे। राशन लेने के बाद जब सभी वापिस आ रहे थे तो थौना में सडक की चढ़ाई पर वाहन का नियन्त्रण बिगड़ गया और ब्रेक नही लगने के कारण जीप सड़क से लुढ़क कर गहरी खाई में जा गिरी। इस हादसे में दो महिलाओं की मौत हो गई है, जबकि चार लोग गंभीर रूप से जख्मी हो गए हैं। हादसे का कारण जीप में ब्रेक नहीं लगना बताया जा रहा है। । सभी घायलों को को मंडी के लिए रैफर कर दिया गया है। मृतक महिलाओं में झांसी देवी पत्नी दामोदर दास और दामोदरी देवी पत्नी बंशी राम दोनो निवासी गैहरा शामिल हैं। पुलिस में मामला दर्ज कर हादसे के कारणों की जाँच शुरू कर दी है
21 मई 2021 को पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न राजीव गांधी की पुण्यतिथि के अवसर पर हिमाचल प्रदेश युवा कांग्रेस के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष व सरकाघाट विधानसभा के युवा नेता यदोपती ठाकुर ने सरकाघाट विधानसभा के 150 गरीब व ज़रूरतमंद परिवारों में राशन किट बाँटी । यदोपती ठाकुर ने कहा कि इस कोरोना महामारी के लॉकडाउन में कोई भूखा ना सोए- ऐसी सोच के साथ उन्होंने ये राशन की किट बांटे । जँहा कोरोना महामारी के चलते अनेक परिवार आर्थिक रूप से बदहाल हैं, कारोबार खत्म होने से अनेक परिवारों की रोजी-रोटी छिन गई है। ऐसे में हिमाचल प्रदेश युवा कांग्रेस के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष यदोपती ठाकुर ने अपनी विधानसभा में जरूरतमंदों को राशन की किट बांटकर उनकी मदद कर रहे हैं। यदोपती ठाकुर ने बताया कि वो लगातार हर गाँव में से ऐसे परिवारों को चिन्हित कर सहायता पहुंचा रहें जिनका लॉक डाउन में कोई धनी धोरी नहीं है एवं उनका यही प्रयास है की कोई जरूरतमंद भूखे पेट ना सोए और ऐसे समय में अधिक से अधिक जरूरतमंद लोगों की सहायता करना उनकी पहली प्राथमिकता है। यदोपती ठाकुर ने बताया कि वो सरकाघाट विधानसभा में रह रहे सभी प्रवासी मजदूरों का भी डाटा तैयार कर रहे है तथा प्रवासी मजदूरों को भी राशन किट मुहैया करवा रहे हैं । इस अवसर पर कोंग्रेस सोशल मीडिया के अध्यक्ष प्रवीण चंदेल,सरकाघाट युवा कोंग्रेस के उपाध्यक्ष सौरव शर्मा,शिवेश शर्मा मौजूद रहे।
21 मई बल्ह विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत कोठी गैहरी के प्रधान किशोरी लाल के सहयोग से मारुती युवा मंडल के सदस्यों ने कोठी गैहरी पंचायत के गाँव में आए हुए कोरोना संक्रमित परिवारों का निरीक्षण किया, तथा उनके स्वास्थ्य के बारे में जाना,और कोठी गैहरी, ग़म्भरखड़,पतरौण,बटाहण,और पंचायत परिसर ,प्राइमरी हेल्थ सेंटर कोठी गैहरी,उप स्वास्थ्य केंद्र बटाहण,ग़म्भरखड़ स्कूल,और मंदिरों को सेनेटाइज किया। इस दौरान पंचायत प्रधान पंचायत प्रतिनिधि मारुती युवा मंडल प्रधान, युवा मंडल सचिव, ने स्थानीय लोगों को कोरोना नियमों की जानकारी दी और नियमों का पालन करने के लिए आहवान किया। इस कार्यक्रम में पंचायत प्रधान किशोरी लाल,मारुती युवा मंडल प्रधान अजय, युवा मंडल सचिव सचिन कुमार, वार्ड पंच दीपिका, गुलाब, चेत राम मोहनी देवी,अन्य सदस्य मौजूद रहे।
नई पेंशन योजना का आज रिवालसर ब्लाक में सरकारी कर्मचारियों द्वारा काला दिवस मनाया गया व काले बिले लगाकर विरोध किया गया। इन कर्मचारियों ने बताया कि आज के दिन उन से उनका संवैधानिक अधिकार छीना गया था। संघ के कोषाध्यक्ष अनिल शर्मा संयुक्त सचिव कृष्ण यादव अरविंद गर्ग ,राकेश शर्मा शर्मा ,योगेश शर्मा, पंकज, कुसुमलता व महिला विंग की प्रधान चंचल लता शर्मा ने प्रदेश सरकार से आग्रह किया कि सीसीई नियम 1972 के तहत जल्द से जल्द कर्मचारियों की पुरानी स्कीम पेंशन योजना को 2009 से बहाल किया जाए। एनपीएस के कर्मचारियों द्वारा हिमाचल सरकार से कई बार ज्ञापन देकर के पुरानी पेंशन स्कीम योजना को बहाल करने की गुहार लगाई गई है परंतु अभी तक सरकार की ओर से कोई सकारात्मक कार्यवाही नहीं की गई है ।संघ के सभी सदस्यों ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से गुहार लगाई है कि एनपीए की मांगों को जल्द से जल्द पूरा किया जाए अन्यथा संघ के सदस्य धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। कोषाध्यक्ष अनिल शर्मा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के घोषणा पत्र में पुरानी पेंशन लागू करने की बात कही गई थी वही मुख्यमंत्री ने 20 मार्च 2001 की रैली के दौरान 2009 की नोटिफिकेशन लागू करने की बात कही थी जो आज तक लागू नहीं की गई है। जिससे कर्मचारियों व उनके परिवार के सदस्यों में भारी रोष है जो कि आने वाले समय में भाजपा को चुनावों में मंगा पड़ सकता है।
पधर उपमंडल में कोरोना महामारी के बढ़ते मामलों को लेकर होम आइसोलेट किए गए कोरोना संक्रमितों को किसी भी समय स्वास्थ्य आपातकाल की स्थिति में अब निकटम स्वाथ्य केंद्र तक पहुंचाने हेतु पधर प्रशासन द्वारा अब एक एम्बुलेंस वाहन ऑक्सीजन के साथ स्वास्थ्य विभाग को सौंपा है। जिससे अब होम आइसोलेट हुए कोरोना संक्रमितों को किसी भी स्वास्थ्य आपात में इस वाहन की सेवाएं लेते हुए लोगों की जान बचाई जा सकेगी। इस बारे में जानकारी देते हुए एसडीएम पधर शिव मोहन सिंह सैनी ने बताया कि पधर उपमंड़ल में होम आइसोलेशन में रह रहे कोरोन संक्रमितों के लिए प्रशासन द्वारा किसी भी समय आपात स्थिति में कोविड डेडिकेट एम्बुलेंस खंड चिकित्सा अधिकारी पधर विनय कुमार को सौंपी गई है। जिस किसी भी होम आइसोलेट संक्रमित स्वास्थ्य आपात में इस एम्बुलेंस का प्रयोग करते हुए निकटम स्वाथ्य केंद्र तक पहुंचकर स्वाथ्य उपचार ले सकता है। कहा कि इस वाहन में एक ऑक्सीजन सिलेंडर भी साथ लगा हुआ है ताकि अगर ऑक्सीजन की जरूरत पड़ती है तो तुरंत दी जा सके और इस वाहन में कोविड -19 के नियमों के तहत ही इसे तैयार किया गया है। एसडीएम पधर शिव मोहन सिंह सैनी ने आम जनता से कोविड-19 के प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करते हुए मास्क पहनने, दो गज की दूरी बनाए रखने और बार बार हाथ धोने की विधि का प्रयोग करते हुए घरों में रहकर सुरक्षित रहने की अपील की है।
जोगिन्दर नगर में नप वार्ड नं 5 में एक वृद्ध महिला की मृत्यु हो जाने पर पीड़ित परिवार की मदद के लिए कोई आगे नहीं आया , हालांकि यह एक सामान्य मृत्यु थी। परिवार ने नगर परिषद् उपाध्यक्ष अजय धरवाल से संपर्क साधा और अजय धरवाल तुरंत मौके पर पहुंचे व् मृत वृद्धा को शमशानघाट तक पहुंचाने के लिए व्यवस्था कर अन्तिम संस्कार करवाया। गौरतलब है कि कोरोना काल में अब तक इस से पहले कोरोना बिमारी से मृत चार व्यक्तियों के अन्तिम संस्कार में भी उपाध्यक्ष अजय धरवाल स्वयं मौजूद रह कर अन्तिम संस्कार में मदद कर चुके हैं। महामारी के इस दौर में जब अपने सगे संबंधी भी ऐसे हालातों में मुँह फेर रहें है तो ऐसे समय में अपन जन प्रतिनिधि होने का कर्तव्य निभाना एक अनूठी मिसाल पेश करता है तथा दूसरे जन प्रतिनिधियों के लिए भी प्रेरणा देने का कार्य करता है। बताते चलें कि पिछले कोरोना काल में भी अजय धरवाल के द्वारा लोगों को घर घर रोज मर्रा का जरूरी सामान होम डिलीवरी के माध्यम से ओर पशुओं को चारा खिलाने का सराहनीय कार्य किया जा चुका है।
सिराज विधानसभा क्षेत्र में आज शाम हल्की सी बारिश होने के कारण ग्राम पंचायत छतरी के समीप रईधार में एक नाला आने से एक गाड़ी मलबे से पूरी तरह से दब गई। पीडब्लूडी विभाग छतरी ने जेसीबी लाकर गाड़ी को तुरंत मलबे से निकला और सड़क को गाड़ियों की आवाजाही के लिए बहाल कर दिया। पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा जिस तरह मलबे में फसी इस गाड़ी को निकालने के लिए और रोड को खोलने के लिए कार्य किया है वह बहुत ही सराहनीय है। पीडब्ल्यूडी विभाग का ग्राम पंचायत छतरी के प्रधान रघु कटोच ने बहुत आभार जताया है। प्रधान रघु कटोच का कहना है कि पीडब्ल्यूडी विभाग दिन रात हमारी सेवा में तैनात है हमें इनका धन्यवाद करना चाहिए तथा पब्लिक को भी इनका पूर्ण सहयोग करना चाहिए।
द्रंग विधानसभा क्षेत्र से नेशनल हाई-वे NH-21 हणोगी से सिराज विधानसभा क्षेत्र के लिए निर्माणाधीन केवल स्टैंडर्ड पुल का निर्माण कार्य युद्ध स्तर पर चला हुआ है। इस केवल स्टैंडर्ड पूल के बनने से पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय युवाओं को घर द्वार पर रोजगार के साधन उपलब्ध होंगे और मेडिकल आपात स्थिति मे यह पूल मिल का पत्थर साबित होगा। इसका सपना मुख्यमंत्री ने विधायक रहते हुए सबसे पहले देखा था और इसकी प्रकिया को पूरा करने के लिए इस पर पिछले 15 साल पहले काम चला हुआ था और मुख्यमंत्री उस समय पुल का निर्माण कार्य जल्दी करवाना चाहते थे और इसके लिए बजट में पैसे का प्रावधान भी किया गया था ताकि सिराज की दुर्गम व दूर दराज़ की पंचायते सड़क सुविधा से जल्द-से-जल्द जुड़े। बहुत जल्द ही यह पूल जनता को समर्पित होने वाला है । जल्द ही इसका निर्माण कार्य 2022 के अगस्त महीने तक पूरा होने की संभावना है।
सिराज विधानसभा क्षेत्र में आज सुबह 7:00 बजे ग्राम पंचायत जुफर कोट और ग्राम पंचायत धाट खोली थाचाधार में भारी ओलावृष्टि हुई जिसके कारण लोगों के सेब, मटर, गोभी इत्यादि फसलों की भारी क्षति हुई है। किसानों की मेहनत पर इस ओलावृष्टि ने पानी फेर दिया है। यहां के लोगों का कहना है कि उनका जीना बेहाल हो गया है। वह अपनी मटर, आलू ,सेब और गोभी की फसल पर ही निर्भर रहते थे और आज ओलावृष्टि के कारण उनकी फसल बुरी तरह से तबाह हो चुकी है। लोगों ने प्रदेश सरकार और मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि विभाग को भेजकर उनकी फसल का मौका करवाया जाए ताकि सरकार द्वारा कुछ राहत राशि प्रदान की जाए।
सिराज विधानसभा क्षेत्र उप तहसील छतरी के बरयोगी से ठैसंर रोड की हालात खस्ता होने कारण लोगों का पीडब्ल्यूडी विभाग छतरी पर गुस्सा उमड़ रहा है। हर महीने की 9 तारीख को ठैसंर आने वाली सिलेंडर की गाड़ी को बहुत दिक्कतें झेलनी पड़ती है। वहीं, पिछले कल सिलेंडर गैस की गाड़ी रास्ते में ही रुक गई जिसे लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद ठैसंर तक पहुंचाया। हालांकि, यह रोड बस पास है लेकिन रोड की हालत इतनी खस्ता है कि मटर को भी 4×4 पिकअप से बरयोगी पहुंचाना पड़ता है। इस रोड को 2.5km तक पक्का करने के आदेश भी आए थे लेकिन अफसोस इस बात का कि आदेश कागजों तक ही सीमित रह गए। लोगों ने PWD विभाग से इस सड़क को जल्द से जल्द ठीक करवाने का आग्रह किया है ताकि यहां के लोगों को दिक्कतों का सामना ना करना पड़े।
कोरोना महामारी को चलते उपमंडलाधिकारी नागरिक जोगिन्दर नगर द्वारा कोरोना टेस्ट को लेकर शिकायत पत्र सौंपा गया। जोगिंदर नगर नप उपाध्यक्ष अजय धरवाल द्वारा हिमाचल प्रदेश के मुख्य सचिव और जिलाधीश मंडी को ईमेल के माध्यम से शिकायत पत्र भेजा गया है। जिस में मुख्यसचिव हिमाचल प्रदेश व जिलाधीश मंडी के ध्यान में लाया गया कि सिविल अस्पताल जोगिन्दर नगर में बिना आधार कार्ड नंबर लिए कोरोना के टेस्ट किये जा रहे हैं। जिस से किये गए टेस्ट की विश्वसनीयता पर प्रशन चिन्ह लग जाता है कि टेस्ट रिपोर्ट उसी व्यक्ति की है या नहीं। इसी तरह सिविल अस्पताल में जब भी कोई व्यक्ति टेस्ट करवाने के बाद पॉजिटिव आता है तो उसे अपने घर तक पहुंचाने के लिए वाहन की कोई व्यवस्था नहीं कि गई है। स्थानीय टैक्सी ड्राइवर उस संकृमित व्यक्ति को ले जाने को इनकार करते हैं,तो उस पॉजिटिव आये व्यक्ति को मजबूरन पैदल अथवा बस में अपने घर जाना पड़ता है। जिस से संक्रमण फैलने का अंदेशा सदा बना रहता है। गैरतलब है कि जोगिन्दर नगर सिविल अस्पताल में लगभग 35 km दूर तक के व्यक्ति निर्भर करते हैं। वहीं जोगिन्दर नगर उपमंडल में कोरोना संक्रमित व्यक्ति की मृत्यु होने पर नगर परिषद जोगिन्दर नगर के वार्ड 1 में स्थित शमशानघाट में अन्तिम संस्कार किया जा रहा है। यह शमशान घाट घनी आबादी से बस लगभग 1oo फुट की दूरी पर है। जिस से हमेशा संक्रमण फैलने का अंदेशा बना रहता है। जितनी मर्तबा भी कोरोना संकृमित व्यक्तियों की मृत्यु हुई है उस के अन्तिमसंस्कार के समय किसी भी अधिकारी के मौजूद रहने के आदेश नहीं किये गए हैं। जिससे इस बात का भी पता नहीं चल रहा कि वहां कोरोना प्रोटोकॉल के तहत अंतिम संस्कार हो रहा है या नहीं। शिकायत पत्र में कहा गया है कि नगर परिषद जोगिन्दर नगर के द्वारा मांग करने पर भी अभी तक कोरोना संक्रमितों का रोज मर्रा के कूड़े के निष्पादन को जगह मुहैया नहीं करवाई गयी है। जोगिन्दर नगर उपमंडल के तहत सभी चुने हुए प्रतिनिधियों को उनके क्षेत्र में आये पॉजिटिव व्यक्तियों की सूची प्रतिदिन उप्लब्ध नहीं करवाई जा रही है, जिस कारण इन सभी पंचायत प्रतिनिधियों को पॉजिटिव आये व्यक्तियों की आइसोलेशन के दौरान मदद करने का जो सरकार का आदेश है उस की पालना करना मुश्किल हो रहा है। नगर परिषद के प्रतिनिधियों को सिर्फ दो दिन पूर्व से संक्रमित व्यक्तियों की सूची बार बार निवेदन करने के पश्चात उपलब्ध करवायी जा रही है। इतना ही नहीं पॉजिटिव आये व्यक्तियों को न ऑक्सओमीटर उपलब्ध करवाए जा रहे हैं न ही समय पर जरूरी दवायें। उल्टा टीकाकरण का जो अभियान चला है उस में संक्रमित होने का अधिक खतरा हो गया है क्यों कि टीका लगाने के बाद टीकाकरण करने वाले के द्वारा अपने हाथ सेनेटाइज किये बिना अगले व्यक्ति को टिका लगाया जा रहा है। इसी तरह जिस कुर्सी पर टीकाकरण करने के लिए व्यक्ति को बिठाया जा रहा है उसे एक व्यक्ति की बारी होने के बाद सेनेटाइज नहीं किया जा रहा है। जिस से संक्रमण फैलने का अंदेशा बना रहता है। साथ ही टीकाकरण से पहले सभी व्यक्तियों का तापमान भी नहीं मापा जा रहा है।
जोगिन्दर नगर क्षेत्र में कोरोना संक्रमण के कारण गंभीर स्थिति में जरूरतमंद मरीजों को कोविड अस्पताल लाने व ले जाने में अब एंबुलेंस की सुविधा से महरूम नहीं होना पड़ेगा। कोविड 19 संक्रमण की दृष्टि से सिविल अस्पताल जोगिन्दर नगर में तैनात एक एंबुलेंस को तैयार कर लिया गया है तथा अब जरूरत पडऩे पर कोविड के गंभीर मरीजों के लिए इसका इस्तेमाल किया जा सकेगा। इस बात की पुष्टि करते हुए वरिष्ठ चिकित्साधिकारी (एस.एम.ओ.) सिविल अस्पताल जोगिन्दर नगर डॉ. रोशन लाल कौंडल ने बताया कि जोगिन्दर नगर प्रशासन के सहयोग से अस्पताल में उपलब्ध एक एंबुलेंस को गंभीर कोविड 19 मरीजों की दृष्टि से तैयार कर लिया गया है। उन्होने बताया कि गंभीर कोविड संक्रमित लोगों को लाने व ले जाने के लिए अब एंबुलेंस सुविधा के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा तथा इसके लिए अस्पताल में ही उपलब्ध एक एंबुलेंस को तैयार कर लिया गया है। इस सुविधा के कारण अब कोविड संक्रमित गंभीर रोगियों को कोविड अस्पताल पहुंचाने में सुविधा होगी तथा समय पर उपचार भी संभव होगा।
कोरोना संक्रमण के तेज़ी से बढ़ते मामलों ने हर व्यक्ति की चिंता बढ़ा दी है। कोरोना मामलों के बढ़ते ग्राफ की वजह लोगों द्वारा कोविड नियमों में लापरवाही बरतना व सामाजिक समारोहों में शामिल होना भी है। ऐसी स्थिति में सरकार द्वारा विभिन्न प्रकार के आयोजनों में पहले ही पाबंदी लगा रखी हैं। जिला मंडी में भी कोरोना के मामले सामने आ रहे है तथा लोगोें की सुरक्षा हेतु जिलाधीश ने आज धारा 144 के अन्तर्गत आयोजनों को लेकर नए आदेश जारी किए हैं। एसडीएम थुनाग पारस अग्रवाल ने जानकारी दी है कि इन आदेशों के अन्तर्गत अब 1 मई से शादी व अन्य आयोजनों में सार्वजनिक धाम पर पाबंदी रहेगी। यह शर्त पहले से ली गई अनुमति पर भी लागू रहेगी। अब सभी प्रकार के जलूस, देवी देवताओं की आवाजाही, शोभायात्रा, मंदिरों व घरों में धार्मिक पाठ-पूजा, सोशल गैदरिंग व सार्वजनिक धाम पर पाबंदी रहेगी। इन आदेशों की अवहेलना पाए जाने पर विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने मंडी जिला के सुंदरनगर में नवनिर्मित मातृ एवं शिशु अस्पताल का दौरा कर वहां उपलब्ध सुविधाओं सेे संबंधित जानकारी प्राप्त की। यह अस्पताल कोविड-19 रोगियों के लिए समर्पित किया गया है। उन्होंने सलापड़ में बीबीएमबी कालोनी के पुराने भवनों का भी दौरा किया ताकि आवश्यकता पड़ने पर कोविड-19 रोगियों के लिए अतिरिक्त सुविधाओं की संभावनाओं का पता लगाया जा सके। मुख्यमंत्री ने श्री लाल बहादुर शास्त्री राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय नेरचैक में कोविड-19 की स्थिति के दृष्टिगत बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि प्रदेश में कोविड-19 मामलों में तीव्र वृद्धि को देखते हुए राज्य सरकार ने प्रदेश में कोविड रोगियों के लिए बिस्तर की क्षमता को बढ़ाकर लगभग 5000 करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि नेरचैक चिकित्सा महाविद्यालय को कोविड-19 अस्पताल के रूप में समर्पित किया गया है और अस्पताल के निकट परिसर में अतिरिक्त 100 बिस्तरों वाले अस्थायी अस्पताल का कार्य भी अगले चार-पांच दिनों के भीतर पूरा कर दिया जाएगा। जयराम ठाकुर ने कहा कि राज्य सरकार किसी भी विपरीत स्थिति का सामना करने के लिए अपनी क्षमता को और अधिक बढ़ाने के प्रयास कर रही है। कांगड़ा जिले के राधास्वामी परिसर, परौर में कोविड रोगियों के लिए एक हजार बिस्तरों तक की क्षमता वाले अस्थायी अस्पताल में परिवर्तित कर इसे क्रियाशील बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। मंडी में एमसीएच भवन का काम एक माह के भीतर पूरा हो जाएगा, जिसके लिए अतिरिक्त धन उपलब्ध करवाया गया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने बाहर से प्रदेश में प्रवेश करने वाले लोगों से आरटीपीसीआर परीक्षण की नेगेटिव रिपोर्ट साथ लाने और दो सप्ताह की अवधि के लिए होम आइसोलेशन में रहने का आग्रह किया है। मुख्यमंत्री ने अधिकािरयों को ऑक्सीजनयुक्त बिस्तरों की आपूर्ति सुनिश्चित करने और चिकित्सा महाविद्यालय नेरचैक में अधिकतम बिस्तरों में ऑक्सीजन सुविधा उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि रत्ती के अस्पताल में बिस्तरों की क्षमता को 25 से बढ़ाकर 50 किया जाना चाहिए। जयराम ठाकुर ने अधिकारियों को जिले की सभी संस्थाओं/भवनों को सूचीबद्ध करने के निर्देश दिए। कोविड-19 मरीजों की संख्या में वृद्धि होने पर इनका उपयोग मरीजों को बेहतर सुविधाएं प्रदान करने के लिए किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि बिलासपुर और हमीरपुर जिलों में स्वास्थ्य सेवा सुविधाओं को सुदृढ़ करने के प्रयास किए जा रहे हैं ताकि चिकित्सा महाविद्यालय नेरचैक पर मरीजों के बोझ को कम किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को इस महामारी से प्रभावशाली तरीके से निपटने के लिए आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के भी निर्देश दिए। इसके उपरान्त मुख्यमंत्री ने मंडी जिले के भंगरोटू में निर्माणाधीन प्री-फैब्रिकेटिड अस्पताल का भी निरीक्षण किया। जयराम ठाकुर ने मण्डी में मातृ शिशु स्वास्थ्य देखभाल केन्द्र का दौरा किया और सम्बन्धित अधिकारियों को इसका निर्माण कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने खलियारा में राधास्वामी सत्संग व्यास का भी दौरा किया, जहां आवश्यकता पड़ने पर 200 बिस्तरों वाले प्रीफैब्रिकेटिड ढांचे का निर्माण किया जाएगा। स्वास्थ्य मंत्री डाॅ.राजीव सैजल, विधायक राकेश जम्वाल, इंद्र सिंह गांधी, जवाहर ठाकुर, भाजपा प्रवक्ता अजय राणा, उपायुक्त मंडी ऋग्वेद ठाकुर, पुलिस अधीक्षक शालिनी अग्निहोत्री, मुख्य चिकित्सा अधिकारी देवेंद्र शर्मा और अन्य अधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने वर्चुअल माध्यम से मंडी जिले के सुंदरनगर में 12 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित मातृ एवं शिशु अस्पताल का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने शिमला से सुंदरनगर के लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि इस अस्पताल को वर्तमान राष्ट्रीय भाजपा अध्यक्ष और तत्कालीन केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने वर्ष 2017 में राज्य के लिए स्वीकृत किया था और पिछले तीन वर्षो के दौरान इस परियोजना के कार्य में तेज़ी लाने के उपरान्त आज जनता को समर्पित किया गया है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 महामारी के कारण राज्य सरकार इस अस्पताल को वर्चुअल माध्यम से लोगों को समर्पित करने के लिए मजबूर हुई। इस अस्पताल का उपयोग समर्पित कोविड-19 अस्पताल के रूप में किया जाएगा और यह जिले के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य देखभाल सेवाएं प्रदान करेगा। नेरचैक मेडिकल कालेज को कोविड-19 अस्पताल के रूप में समर्पित किया गया है और अतिरिक्त 100 बिस्तरों की क्षमता वाले प्री-फैब्रिकेटिड अस्पताल का कार्य भी कुछ दिनों में पूरा हो जाएगा। नागरिक अस्पताल सुंदरनगर को 150 बिस्तर वाले अस्पताल में स्तरोन्नत किया गया है और यह क्षेत्र के लोगों को गुणवत्तापूर्ण सेवाएं प्रदान कर रहा है। राज्य सरकार अस्पताल में लिफ्ट और अन्य आवश्यक बुनियादी ढांचे के निर्माण के लिए अतिरिक्त धन उपलब्ध करवाएगी। उन्होंने कहा कि कोविड-19 मामलों की संख्या में वृद्धि चिंता का विषय है। राज्य सरकार ने प्रदेश में आने वाले लोगों से 72 घंटे पहले किए गए आरटीपीसीआर परीक्षण की रिपोर्ट अनिवार्य रूप से साथ लाने और उन्हें चौदह दिनों की अवधि के लिए अपने निवास स्थान पर होम आईसोलेशन में रहने का आग्रह किया है। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के निर्वाचित प्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सभी मानक संचालन प्रक्रियाओं और दिशा-निर्देशों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने और उल्लंघनकर्ताओं के खिलाफ कानूनी कार्रवाई आरंभ करने का आग्रह किया ताकि इस महामारी को फैलने से रोका जा सके।
'अपने चेहरे से जो जाहिर है छुपाये कैसे ' वसीम बरेलवी के एक शेर का ये मिस्रा मंडी कांग्रेस के हाल को बखूबी बयां कर रहा है। स्पष्ट दिख रहा है कि लगातार मिल रही पराजय से मंडी में कांग्रेस का जमीनी कार्यकर्ता उदास है और हौंसला पस्त। पर पार्टी का असल मर्ज है बड़े नेताओं का बड़ा अहम् और सुनहरे अतीत पर टिका उनका वहम। इन्हीं दिग्गजों के अहम् और वहम के बीच फिलवक्त मंडी में कांग्रेस ठंडी दिख रही है। ये दिग्गज अगर ताव में आ जाएं तो कार्यकर्ता को हौंसला भी मिले और आस भी जगे। पर फिलहाल तो पार्टी कंफ्यूज है, न दिशा है, न मजबूत चेहरा और न ही कोई ठोस रणनीति। 2022 में प्रदेश की सल्तनत और कांग्रेस के बीच सबसे बड़ी चुनौती मंडी की रणभूमि होगी। हालहीं में जिला परिषद् और नगर निगम चुनाव में कांग्रेस की खूब किरकिरी हुई है और अब लोकसभा का उपचुनाव दस्तक दे रहा है। 2022 की उम्मीद जिन्दा रखने के लिए उपचुनाव में पार्टी पर बेहतर करने का दबाव है, पर वर्तमान राजनैतिक परिवेश में डगर बेहद कठिन दिख रही है। अंतर्कलह से ग्रस्त कांग्रेस की राह मुश्किल इसलिए भी है क्योंकि मजबूत भाजपा से मुकाबला करने से पहले कांग्रेस को अपनों को भी साधना होगा। बहरहाल, कांग्रेस को सबसे पहले ये तय करना होगा कि मंडी संसदीय उप चुनाव में पार्टी की तरफ से मैदान में कौन होगा। जगजाहिर है कि पंडित सुखराम कांग्रेस में वापस इसीलिए लौटे थे ताकि पोते आश्रय को सांसद बनता देख सके। पर 2019 के लोकसभा चुनाव में जनता ने उनके अरमान कुचले ही नहीं बल्कि अरमानों का कचूमर निकाल दिया था। आश्रय का राजनैतिक सफर भी अब तक फीका -फीका सा ही रहा है। बावजूद इसके हालहीं दिए बयान में पंडित जी ने फिर पोते को सांसद देखने की इच्छा व्यक्त की है। यानी पंडित जी की विरासत के बूते एक बार फिर आश्रय का दावा प्रबल रहेगा। दूसरे दावेदार है प्रदेश युवा कांग्रेस के अध्यक्ष निगम भंडारी जो पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुखविंदर सिंह सुक्खू के करीबी माने जाते है। निगम भंडारी उभरते हुए चेहरे तो है, युवाओं में पकड़ भी है पर सुक्खू का करीबी होना उन्हें बाकी कई दिग्गजों से दूर कर देता है। तीसरा पक्ष ये है कि पार्टी वरिष्ठ नेता कौल सिंह ठाकुर को मैदान में उतार सकती है। हालांकि खुद कौल सिंह ठाकुर फिलहाल चुनाव लड़ने से इंकार कर रहे है। बाकी अंतिम निर्णय पार्टी आलाकमान को करना है। पंडित सुखराम की पारिवारिक भूलभुलैया और मझधार में अटकी कांग्रेस हिमाचल की सियासत के चाणक्य पंडित सुखराम पोते सहित कांग्रेस का हाथ थामे हुए है, तो उनके पुत्र अनिल शर्मा कहने को तो भाजपा के विधायक है लेकिन उनकी स्थिति किसी से छिपी नहीं है। कभी मुख्यमंत्री उन पर तंज कसते हुए कहते है कि " अगर साथ होते तो और बात होती', तो कभी बेटे द्वारा उनकी तारीफ़ करने पर भरी सभा में कांग्रेसी भी लाल हो जाते है। बहरहाल जो सियासी इक्वेशन सुखराम फैमिली, कांग्रेस और भाजपा के बीच बनी हुई है, ऐसी कोई और मिसाल हिमाचल ही क्या देश के सियासी इतिहास में भी शायद ही हो। भविष्य में पंडित सुखराम एंड फैमिली का क्या रुख रहेगा ये फिलहाल अबूझ पहेली है। सुखराम की सियासत को समझने वाले फिलहाल इस विषय पर कोई भी दावा करने से बच रहे है। हालांकि जिस तरह की तनातनी बीते दिनों अनिल शर्मा और प्रदेश सरकार के बीच दिखी है उसे देखते हुए माना जा सकता है कि 2022 चुनाव से पहले अनिल की कांग्रेस में घर वापसी होगी। पर ये सिर्फ कयास है और पल - पल बदलती सियासत में कुछ भी मुमकिन है। यानी पंडित सुखराम की पारिवारिक भूलभुलैया में कांग्रेस मझधार में अटकी है। पंडित सुखराम फैक्टर : क्या वो दौर अब गुजर चुका है पंडित सुखराम, वो नेता है जो कभी मुख्यमंत्री तो न बन सके लेकिन जब भी मौका लगा अपनी ताकत का लोहा खूब मनवाया। यूं ही इन्हें हिमाचल की सियासत का चाणक्य नहीं कहा जाता, इतिहास गवाह है 1998 में इन्हीं की मेहरबानी से धूमल सरकार बनी भी और पांच साल चली भी। इन्हीं के कोप से वीरभद्र सिंह ने पांच वर्ष सत्ता का वनवास झेला। मौके के हिसाब से मोहरे चलना पंडित सुखराम की वो सियासी अदा रही है जिसका कोई सानी नहीं। 2017 से पहले बेटे अनिल शर्मा समेत पंडित जी कांग्रेस से भाजपा में गए और बेटे को लगातार दूसरी बार मंत्री भी बनवा दिया। पर कहते है ना 'बुलंदी देर तक किस शख़्स के हिस्से में रहती है, बहुत ऊँची इमारत हर घड़ी खतरे में रहती है'। पोते को सांसद बनाने की चाह में पंडित जी 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले वापस कांग्रेस में आ गए। पर सर मुंडाते ही ओले पड़ गए। पोता भी चुनाव हारा, बेटे का मंत्री पद भी गया और सबसे बड़ा नुकसान पंडित सुखराम का तिलिस्म टूट गया। जिस अंतर से आश्रय चुनाव हारे उससे स्पष्ट था कि पंडित सुखराम की विरासत के नाम पर आश्रय को सिर्फ टिकट मिला वोट नहीं। बहरहाल यक्ष प्रश्न यही है कि क्या मंडी की सियासत में पंडित सुखराम का जादू बरकरार है या वो दौर अब गुजर चुका है? जाहिर है उपचुनाव में यदि आश्रय उम्मीदवार होते है तो उनकी प्रदर्शन कांग्रेस के साथ - साथ पंडित सुखराम एंड फॅमिली का भी इम्तिहान होगा। सरकार उसी की बनी जो मंडी जीता इतिहास गवाह है कि 10 विधानसभा सीटों वाला जिला मंडी जिस भी राजनैतिक दल ने जीता वही सत्ता पर काबिज हुआ और जिसे मण्डी ने ठुकराया उसे सत्ता से भी हाथ धोना पड़ा। 1982 से 2017 तक हुए 9 विधानसभा चुनाव भी इस बात की तस्दीक करते है। इन 9 में से 7 बार उसी पार्टी की सरकार बनी जिसने मंडी में सर्वाधिक सीटें जीती। जबकि 1998 में भाजपा की सरकार इसलिए बनी क्योंकि मंडी में 4 सीट कब्जाने वाली हिमाचल विकास कांग्रेस से उसका गठबंधन हुआ। वहीं 2012 में कांग्रेस और भाजपा दोनों को 5 - 5 सीटें मिली थी, हालांकि सरकार बनाने में कांग्रेस कामयाब रही थी। विस् चुनाव कांग्रेस भाजपा अन्य 1982 5 2 3 कांग्रेस की सरकार बनी 1985 7 2 1 कांग्रेस की सरकार बनी 1990 1 8 ( गठबंधन ) 1 भाजपा की सरकार बनी 1993 9 0 1 कांग्रेस की सरकार बनी 1998 4 3 4 सुखराम के समर्थन से भाजपा सरकार बनी 2003 6 2 2 कांग्रेस की सरकार बनी 2007 3 6 1 भाजपा की सरकार बनी 2012 5 5 0 कांग्रेस की सरकार बनी 2017 0 9 1 भाजपा की सरकार बनी 2017 से कांग्रेस के सितारे गर्दिश में मंडी में 2017 का विधानसभा चुनाव बुरी तरह हारने के बाद कांग्रेस 2019 का लोकसभा चुनाव भी रिकॉर्ड अंतर से हारी थी। हालहीं में हुए नगर निगम चुनाव में कांग्रेस को 15 में से सिर्फ 4 वार्ड में जीत मिली। जबकि इसी वर्ष जनवरी में हुए जिला परिषद् चुनाव में 36 वार्ड में से कांग्रेस ने सिर्फ एक वार्ड पर जीत दर्ज की थी। कमोबेश ऐसी ही स्थिति पंचायत समिति में भी रही जहां भाजपा का दबदबा रहा। 2017 में आमने - सामने थे दो दिग्गज सियासी घराने 2017 के विधानसभा चुनाव से ठीक पहले वीरभद्र कैबनेट के मंत्री अनिल शर्मा भाजपा में शामिल हो गए। भाजपा ने भी उन्हें मंडी सदर से ही टिकट दिया और वे फिर विधायक बन गए। वहीं कौल सिंह ठाकुर की बेटी चंपा ठाकुर उक्त चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी थी जिन्हें अनिल ने हराया था। मान सकते है कि इस हार की टीस इन दोनों सियासी घरानों के बीच बढ़ी दूरी का कारण है। अगर अनिल वापस कांग्रेस में आते है तो पार्टी अनिल को टिकट देगी या चंपा को, ये कांग्रेस के समक्ष सबसे बड़ी उलझन होगी। कौल सिंह ठाकुर और चंपा ठाकुर के तेवर बयां कर रहे है कि घर वापसी होती भी है तो भी अनिल की राह मुश्किल ही होगी। अलबत्ता चंपा का दावा टिकट के लिए होना लाज़मी है। क्या 'जयराम' को 'मंडी का सीएम' कहना मंडी में भारी पड़ेगा कांग्रेस जयराम ठाकुर को मंडी का सीएम कहकर उन पर निरंतर निशाना साधती रही है। प्रदेश के बाकी हिस्सों में शायद कांग्रेस को इससे कोई लाभ हो सके लेकिन मंडी में कांग्रेस का ये नारा उलटा ही पड़ेगा। एक किस्म से कांग्रेस खुद सीएम जयराम ठाकुर द्वारा मंडी में करवाए गए विकास को मान्यता दे रही है। 50 साल से दो परिवारों ने दिलाई जीत मंडी संसदीय क्षेत्र में कांग्रेस का झंडा पंडित सुखराम और वीरभद्र सिंह के परिवार ने ही बुलंद रखा है। 1971 से अब तक हुए 13 लोकसभा चुनाव और एक उप चुनाव में कांग्रेस को उप चुनाव सहित 8 में जीत मिली है और ये सभी जीत पंडित सुखराम, वीरभद्र सिंह और वीरभद्र सिंह की पत्नी प्रतिभा सिंह के नाम दर्ज है। यानी 50 साल से मंडी में कांग्रेस की सियासत सिर्फ दो परिवारों के भरोसे चली है ।
जिला कांग्रेस कमेटी के सचिव रणजीत मंडयाल ने बल्ह के बीजेपी विधायक को आड़े हाथो लेते हुए प्रेस में जारी बयाँन में कहा कि देश और प्रदेश जहाँ कोरोना जैसी सर्वव्यापी महामारी से जूझ रहा है तथा जिसके लिए प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन द्वारा आदेशों में सभी राजनैतिक व अन्य कार्यक्रमों पर रोक लगाई गई है, वहीं बल्ह के बीजेपी विधायक भवनों के उद्घाटन कार्यक्रम कर रहें हैं जबकि विधायक को अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए और ऐसे कार्यक्रमों को बंद करने चाहिए और जनता को महामारी से बचने के लिए जागरूक करने की आवश्यकता है परन्तु विधायक को जनता के स्वास्थ्य की कोई चिंता नहीं है। रणजीत मंडयाल ने कहा कि शायद विधायक को उद्घाटन और शिलान्यासों की बहुत जल्दी लगी हुई है, क्या पता फिर भविष्य में मौका मिल भी पाएगा या नहीं। रणजीत मंडयाल ने बताया कि जिस रत्ती हस्पताल के भवन का उद्घाटन अभी हाल में किया है, उसकी शुरुआत और शिलान्यास पूर्व मंत्री प्रकाश चौधरी द्वारा किया गया था और बल्ह में अधिकांश विकास कार्य और सरकारी कार्यालय कांग्रेस की सरकारों में मिले है जिसका श्रेय पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह को जाता है। उन्होंने बल्ह विधायक को सलाह दी है कि कांग्रेस के कार्यकाल में हुए कामों का श्रेय लेने के बजाय खुद के कोई किए गए काम जनता के बीच लेकर जाएँ। प्रदेश में नगर निगम चुनाव, बल्ह क्षेत्र में पंचायती राज और नगर निकाय रिवालसर और नेर चौक में जनादेश कांग्रेस की तरफ है और 2022 में कांग्रेस की सरकार हिमाचल में बनेगी और बल्ह क्षेत्र से कांग्रेस एक तरफा जीत हासिल करेगी।
मुख्यमंत्री विधानसभा क्षेत्र के विकास खंड सिराज के ग्राम पंचायत क्योली के गांव लेह में तकनीकी प्रबंधक सहायक संजय नायक द्वारा दो दिवसीय सुभाष पालेकर प्राकृतिक खेती प्रशिक्षण शिविर लगाया गया। इस दौरान किसानो को प्राकृतिक खेती के फायदे बताए गए और ज़हर मुक्त खेती करने की सलाह दी गई। इस खेती को अपनाने से किसानो की आय में वृद्धि होगी। वहीं, रसायनिक खेती के मुकाबले यह खेती बहुत ही कम खर्च वाली है। रसायनिक खेती से किसान कर्ज में रहते हैं। प्राकृतिक खेती से किसान कर्ज़ मुक्त होंगे और बीमारियों से निजात पा सकेंगे। साथ ही प्राकृतिक खेती करने से किसानो को शुद्ध अनाज, फल और सब्जियां प्राप्त होंगे। शिविर के दौरान संजय नायक ने बताया कि इस तरह के दो दिवसीय प्रशिक्षण पुरे सिराज में हर पंचायत में किए जा रहे हैं और किसानो को इस खेती से जोड़ा जा रहा है ताकि किसानो को इस खेती का लाभ मिल सके। किसानो को प्रशिक्षण के प्रदर्शन के रूप में जीवामृत, बीजामृत, घनजीवामृत, अग्नि अस्त्र, दशपर्णी अर्क, कड़वी अस्त्र, खट्टी लस्सी तथा सोंठ अस्त्र बनाना भी सिखाया गया।
हिमाचल के जिला मंडी में पुलिस थाना औट क्षेत्र में औट ट्रैफिक टनल के अंदर एक निजी बस व ट्राला के बीच टक्कर होने से 16 व्यक्ति घायल हुए। दो घायलों को सीएच नगवाईं में प्राथमिक उपचार देने के बाद जोनल अस्पताल मंडी रेफर किया गया जबकि तीन अन्य घायलों को क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू रेफर किया गया है। इसके अतिरिक्त सभी घायल व्यक्तियों का सीएच नगवाईं में इलाज चल रहा है। हादसे का शिकार हुई निजी बस मनाली से धर्मशाला जा रही थी। स्थानीय पुलिस ने थाना औट में बस चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर दिया है। घायलों की पहचान गोविंद सिंह(60) पुत्र मुल्कू राम गांव लोहारडा, ललिता देवी(32 ) पत्नी हेम सिंह गांव कुफरी, केशव राम(65) पुत्र चेत्रु गांव दोहरी नाल, राम लाल(33 ) पुत्र छिपु राम गांव सनवाल बैजनाथ कांगड़ा, अमर चंद(55) पुत्र सूरत राम गांव उखल धार मंडी, तारा चंद(45) पुत्र इंद्र सिंह गांव उहड़ी सेरी मंडी, सुदामा(48) पुत्र भगवान दास गांव मंडी, चेरिंग(36) पुत्र पेमा गांव शांग मनाली, सुनीता(41 ) पत्नी हरि सिंह गांव बजौरा कुल्लू, मीनू(48) पत्नी संत राम गांव शुरड भुंतर, नीतू(33) पत्नी भूप सिंह गांव सैन मुहला सदर मंडी, राज कुमार(44) पुत्र हल्फू राम गांव टकोली मंडी, अनिता देवी(40) पत्नी चिरंजी लाल गांव देवखान मंडी, किशोरी लाल(26) पुत्र श्री माधू राम गांव कशल वालीचौकी, राजेंद्र सिंह(45) पुत्र फतेह सिंह गांव नरौरा भुंतर और अंकित डडवाल(22) पुत्र नरेंद्र पाल गांव पिपला आगे भुंतर जिला के रूप में हुई है।
उपमंडल सरकाघाट के तहत आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र रिस्सा में 116 लोगों को कोरोना वैक्सीन का टीका लगाया गया। पंचायत प्रधान लता देवी ने बताया कि पहले यह टीका थौना या सरकाघाट में लगाया जाता था। तत्पश्चात लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए इसके शिविर का आयोजन पंचायत रिस्सा में रखा गया। टीकाकरण होने से पहले इसकी सूचना सभी 45 वर्ष से ऊपर वाले पंचायत वासियों को दे दी गई थी। पंचायत प्रधान लता देवी ने डॉक्टर कुमुदं भल्ला पीएचसी थौना से बात करके यह आश्वस्त किया कि जल्द ही दोबारा इसी पंचायत में टीकाकरण शिविर रखा जाएगा ताकि बचे हुए लोगों को फिर से उनके नज़दीकी स्थान पर यह टीका लग सके।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने मण्डी जिला के द्रंग विधानसभा क्षेत्र में लगभग 50 करोड़ रुपये की विकासात्मक परियोजनाओं के शिलान्यास व लोकार्पण किए। इस अवसर पर जंगलों में आग की घटनाओं की निगरानी के लिए जागरूकता वैन को भी हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया गया। इसके उपरान्त, मुख्यमंत्री ने हरडगलू में जनसभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि जिला मण्डी को प्रदेश सरकार का नेतृत्व करने का अवसर मिला है। पिछले तीन वर्षों में लोक निर्माण विभाग ने इस विधानसभा क्षेत्र में 250 करोड़ रुपये की विकासात्मक परियोजनाओं जबकि 19 करोड़ रुपये की 16 आईपीएच योजनाओं का क्रियान्वयन किया है। द्रंग विधानसभा क्षेत्र का विकास प्रदेश सरकार की प्राथमिकता सूची में है। कोरोना महामारी के दौरान भी उन्होंने प्रदेश के 42 विधानसभा क्षेत्रों में इंटरनेंट के माध्यम से और वास्तविक रूप में 3500 करोड़ रुपये की विकासात्मक परियोजनाओं की आधारशिला रखी व शिलान्यास किए। कोरोना महामारी के दौरान प्रदेश सरकार ने बाहरी राज्यों में फंसे लगभग 2.50 लाख हिमाचलियों की प्रदेश वापसी सुनिश्ति की। उन्होंने कहा कि प्रदेश की पूर्व सरकार ने प्रदेश के हितों को नजरंदाज किया और कांग्रेस नेताओं ने कोरोना महामारी के दौरान पार्टी आलाकमान के समक्ष 12 करोड़ रुपये के बिल प्रस्तुत किए। इस अवसर पर द्रंग मण्डल भाजपा ने मुख्यमंत्री को मुख्यमंत्री राहत कोष के लिए एक लाख रुपये का चैक भेंट किया। जल शक्ति मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर, विधायक राकेश जम्वाल, विनोद कुमार, प्रकाश राणा, इंद्र सिंह गांधी और हीरा लाल, सैनिक कल्याण निगम के अध्यक्ष ब्रिगेडियर कुशाल ठाकुर, अध्यक्ष मिल्कफैड निहाल चंद शर्मा, अध्यक्ष वक्फ बोर्ड मोहम्मद राजबली, जिला परिषद अध्यक्ष पाल वर्मा, मंडी नगर निगम की महापौर दीपाली जसवाल, उपायुक्त मंडी ऋग्वेद ठाकुर व पुलिस अधीक्षक शालिनी अग्निहोत्री भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
Himachal Pradesh State Nurses Association’s president Aruna Kaur Luthera, Gen. Sec. Sita Thakur, Amita Puri, Sushma Thakur, and Shashi Sharma have extended their heartfelt gratitude to chief minister Jai Ram Thakur for the work nurses have done during the corona pandemic and for announcing Rs 1500 ex-gratia/honorarium to all the Class III and IV employees. Chief Minister Jai Ram Thakur presided over the State level Himachal Day function held at Padhar in the Drang Vidhan Sabha area of the Mandi district on Thursday where he announced Rs 1500 ex-gratia/honorarium to all the Class III and IV employees such as staff nurses, ward boys, Class IV employees, Asha workers, etc. involved directly in the service of COVID-19 patients for April and May. He said that the whole world has been suffering from Covid-19 and our State was also no exception. He said that despite the challenges of Covid-19, with the support of the people, the government tried to revive the economy of the State by regulating the basic facilities smoothly. He urged the people of the State to come forward to help the State Government in checking the spread of this virus.
रिवालसर में सड़क दुर्घटना में दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए जिसमे एक युवक की टांगों में गम्भीर चोट आई है। रिवालसर सामुदायिक अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायल होने पर एक युवक को लाल बहादुर शास्त्री कालेज अस्पताल नेरचौक रैफर कर दिया गया और दूसरे युवक का इलाज रिवालसर अस्पताल में चल रहा है। प्राप्त जानकारी अनुसार नेपाली मूल व तिब्बती मूल के दो युवक उमेश उम्र 29 साल व टसी उम्र 26 साल बाइक पर सवार होकर तेज गति से मंडी से रिवालसर की ओर आ रहे थे। इस दौरान गरलौनी के पास युवको की बाइक नियंत्रण खोकर निजी बस देवा कोच से जा टकराई। पुलिस को दी जानकारी के अनुसार बस चालक ने बताया कि दोनों युबक बड़ी तेजी से रिवालसर की ओर आ रहे थे। उन्हें बचाने की कोशिश की गई मगर युवको ने बाइक से बस को टक्कर मार दी। रिवालसर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर युवको के खिलाफ तेज गति से बाइक चलाने का मामला दर्ज कर लिया है। इस घटना की पुष्टि डीएसपी बल्ह अनिल पटयाल ने की।
प्रदेश में दसवीं व बारहवीं की परीक्षा स्थगित होने के फैसले से छात्रों व अभिवावकों में गहरी निराशा है। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला रिवालसर के स्कूल प्रबंधन समिति के प्रधान कमलेश शर्मा ने सरकार के इस निर्णय की कड़े शब्दों में निंदा की है। छात्रों का हित देखते हुए उन्होंने इस निर्णय को वापिस लेने की बात कही। उन्होंने कहा कि नगर निगम के चुनाव में भारी भरकम रैलीयां बगैर कोविड नियमों के होती रही वहीं पश्चिम बंगाल में भी कोविड नियमों को ताक पर रख कर रैलीयां करवाई जा रही है। परंतु परीक्षा स्थल पर सामाजिक दूरी मास्क व कोविड नियमों का भली भाँति पालन किया जा रहा है फिर भी परीक्षाओं को रद करने का निर्णय समझ से परे है। इस निर्णय से छात्रों के भविष्य पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ेगा।
प्रदेश के जिला मंडी के उपमंडल सुंदरनगर की दुर्गम ग्राम पंचायत सोझा के सरोर गांव के निकट मंगलवार शाम को एक सड़क हादसे में पांच लोगों की मौत हो गई। जानकारी के अनुसार कार करीब 400 फीट गहरी ढांक में लुढ़कने के बाद सौल खड्ड में जा गिरी। इस हादसे में कार में सवार पांच लोगों की मौत हो गई है। मृतकों में चार एक ही परिवार के सदस्य बताए जा रहे हैं व अपने एक दोस्त के साथ कार में मंदिर जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में कार अनियंत्रित होकर खड्ड में गिर गई। इनमें से दादी और पोती का शव बरामद कर लिया गया है। जबकि अन्य की तलाश जारी है। सूचना मिलने पर स्थानीय लोगों ने मौके पर पहुंच कर राहत कार्य शुरू किया। मृतकों की पहचान सुरेंद्र कुमार(40) उसकी माता और बेटा-बेटी निवासी हाड़ा ग्राम पंचायत हाड़ा बोई के रूप में हुई है। जबकि कार चालक की पहचान प्रेमलाल निवासी बाली बटाली ग्राम पंचायत सोझा के रूप में बताई गई है। डीएसपी गुरबचन सिंह ने बताया कि सूचना मिलने पर पुलिस दल मौका के लिए रवाना हो गया है।


















































