शिरोमणि अकाली दल की नेता ने आरोप लगाया, कि मुख्यमंत्री के भतीजे से काली कमायी बरामद की गयी है और उसने यह भी माना है कि यह बालू माफिया और तैनाती तथा तबादलों के लिए घूस से मिली धनराशि है लेकिन फिर भी कांग्रेस आलाकमान ने उनके साथ खड़े रहना चुना।'' लांबी (पंजाब) पूर्व केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल ने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी को पंजाब विधानसभा चुनावों के लिए पार्टी के मुख्यमंत्री पद का चेहरा घोषित करके उनकी ‘‘भ्रष्ट गतिविधियों’’ पर सहमति की मुहर लगा दी है। शिरोमणि अकाली दल की नेता ने आरोप लगाया,‘यहां तक कि मुख्यमंत्री के भतीजे से काली कमायी बरामद की गयी है और उसने यह भी माना है कि यह बालू माफिया और तैनाती तथा तबादलों के लिए घूस से मिली धनराशि है लेकिन फिर भी कांग्रेस आलाकमान ने उनके साथ खड़े रहना चुना।’’ आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधते हुए बादल ने कहा, वह कांग्रेस पार्टी से भी ज्यादा कुटिल हैं।
बहुजन समाज पार्टी की सुप्रीमो मायावती ने कांग्रेस, सपा और भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने दलितों और गरीबों के लिये कोई काम नहीं किया है। मायावती ने लोगों से टीवी चैनलों के चुनाव पूर्व सर्वेक्षणों पर भरोसा नहीं करने की अपील की। बसपा सुप्रीमो ने सोमवार को बरेली मंडल के सभी जिलों के पार्टी उम्मीदवारों के समर्थन में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस पर हमेशा दलित विरोधी रहने का आरोप लगाया। उन्होंने सपा पर आरोप लगाते हुए कहा, ‘‘सपा नीत सरकार में गुंडों, माफियाओं का बोलबाला रहा है। सपा सरकार में दंगे, लूट खसोट होता रहा है।’’ टीवी चैनलों पर नाराजगी जताते हुए मायावती ने कहा, ‘‘2007 के विधानसभा चुनावों में ओपिनियन पोल बता रहे थे कि बसपा नम्बर तीन पर रहेगी। बसपा नम्बर एक पर आई और जिसे नम्बर एक पर दिखाया वह नम्बर तीन पर चली गई थी।’’ बसपा सुप्रीमो ने आरोप लगाया कि भाजपा और आरएसएस की नीतियां जातिवादी, धर्म के नाम पर तनाव और नफरत फ़ैलाने की हैं। उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार में अपराध बढ़ा है, दलितों पिछडे वर्गों को भी भाजपा सरकार में आरक्षण का लाभ नहीं मिल पा रहा है और सरकारी नौकरियों में भी आरक्षण का कोटा पूरा नहीं किया गया है।
अभिनय के साथ-साथ प्रवीण कुमार सोबती ने खेल की भी दुनिया में कई खिताब अपने नाम कर चुके थे। प्रवीण कुमार हैमर और डिस्कस थ्रो के खिलाड़ी रह चुके हैं। उन्होंने एशियाई खेलों में दो स्वर्ण, एक रजत और एक कांस्य पदक जीता था। बीआर चोपड़ा निर्देशित महाभारत में भीम की भूमिका निभाने वाले अभिनेता प्रवीण कुमार सोबती का निधन हो गया है। प्रवीण कुमार सोबती ने 74 साल की उम्र में आखिरी सांस ली है। वह काफी लंबे समय से बीमार चल रहे थे। प्रवीण कुमार ने कई फिल्मों में अभिनय किया है। हालांकि उन्हें प्रसिद्धि महाभारत में भीम की ही भूमिका से मिली है। लंबे चौड़े प्रवीण कुमार सोबती ने अपने अभिनय के जरिए भीम के किरदार में जान फूंक दी थी। आपको बता दें कि महाभारत सीरियल को बहुत ज्यादा लोकप्रियता हासिल हुई थी।
'गिरते हैं शहसवार ही मैदान-ए-जंग में, वो तिफ्ल क्या गिरे जो घुटनों के बल चले' हिमाचल प्रदेश में हुए उपचुनाव के बाद मुख्यमंत्री बदलने को लेकर कई तरह के कयास लगाए गए। गुजरात और उत्तराखंड के मॉडल्स पर चर्चे हुए, ये कहा गया की उपचुनाव में भाजपा को मिले शून्य के बाद सरकार के सरदार को बदल दिया जाएगा। बातें तो खूब हुई पर फिल्वक्त मुख्यमंत्री भी जयराम ठाकुर ही है और अब तो संगठन में भी उनकी ही छाप दिख रही है। बदलाव सिर्फ ये हुआ है की उपचुनाव की हार के बाद भाजपा अपनी गलतियों से सीखते हुए आगे बढ़ती हुई दिखाई दे रही है। जयराम ठाकुर एक्शन में है और घोषणाओं पर घोषणाएं की जा रही है। हर वर्ग हर तबके को साधने का प्रयत्न भी हो रहा है और जनता से सीधा संवाद भी। ऐसा लग रहा है कि मिशन रिपीट से पहले मुख्यमंत्री विपक्ष के हर बड़े मुद्दे को खत्म करने के मिशन पर है। सरकार के मुखिया तो जयराम है ही पर अब संगठन पर भी उनकी मजबूर पकड़ दिख रही है। खुद मुख्यमंत्री ब्लॉक स्तर पर सीधा कार्यकर्ताओं से जुड़कर संगठन को धार दे रहे है। इस वर्ष के अंत में विधानसभा चुनाव होने है। सरकार के कार्यकाल का ये आखिरी वर्ष है मगर कई चुनौतियां अब भी शेष है। भाजपा के मिशन रिपीट का सपना कैसे साकार होगा और अंतिम वर्ष में जनता को ये सरकार क्या सौगात देगी, इसको लेकर फर्स्ट वर्डिक्ट मीडिया ने मुख्यमंत्री के साथ विशेष चर्चा की। पेश है उस बातचीत के कुछ मुख्य अंश सवाल: उपचुनाव में जिस तरह का प्रदर्शन भाजपा का रहा है उसे देखकर प्रदेश में ये कयास लग रहे है की मंत्रिमंडल में फेरबदल होगा, क्या ऐसा कुछ हो सकता है ? जवाब: उपचुनाव के पश्चात इस तरह के जो कयास मीडिया या लोगों के माध्यम से लगाए जा रहे है, अब तक इसमें कोई सार्थकता नहीं दिखी। ये पार्टी का अंदरूनी मामला है। जो भी करना होगा, पार्टी उचित समय पर निर्णय लेगी। मंत्रिमंडल में परिवर्तन करना हो या संगठन में, बेहतर करने के लिए जो भी पार्टी उचित समझेगी वो किया जाएगा। आने वाले समय में कुछ भी हो सकता है इसलिए मैं इस बात से इंकार नहीं कर सकता। जो पार्टी हित में होगा वो किया जाएगा। पार्टी का शीर्ष नेतृत्व फिलवक्त पांच राज्यों के उपचुनाव में व्यस्त है, आने वाले समय में जो भी स्थिति बनेगी तब की बात तब ही की जा सकती है। सवाल: पूर्ण राज्यत्व दिवस के दिन आपने कर्मचारियों को कई बड़ी सौगातें दी है, इसके बावजूद भी कई कर्मचारी असंतुष्ट है। कर्मचारियों के जो मसले लंबित है वो कब तक पूरे होंगे ? जवाब: मैं मानता हूँ कि सभी को संतुष्ट करना काफी कठिन और जटिल काम है, लेकिन हमारी कोशिश रहती है कि हर वर्ग का विकास हो। कर्मचारियों की बहुत अहम भूमिका है और हम इस बात को बखूबी समझते है। सरकार की सभी योजनाएं कर्मचारियों व अधिकारियों के जरिये ही आम जनता तक पहुंच पाती है। इसलिए कर्मचारियों को कार्य करने के लिए एक अच्छा और पॉज़िटिव माहौल मिलना चाहिए और हम इसका समर्थन करते है। इसीलिए हमने हर वर्ग के कर्मचारियों का ध्यान रखने की कोशिश की है और सभी की समस्याओं के निवारण के लिए हम प्रयास करते रहते है। नया वेतनमान जब लागू किया गया तो कर्मचारियों ने कहा कि इसमें काफी सुधार व परिवर्तन करने की ज़रुरत है। हमने उनकी मांग को सुना, वास्तविकता को समझा और परिवर्तन किये। इसके बाद भी जो कमियां है उसमें भी हमने सुधार की बात कही है। दोनों तरफ से चर्चा के बाद, वो हमारा पक्ष सुनेंगे हम उनका और सामंजस्य बिठा कर जो बदलाव करना होगा वो हम करेंगे। मुझे पूरा विश्वास है की साल के अंत तक कर्मचारियों के मन में नाराज़गी के कोई भी मुद्दे नहीं रहेंगे। सवाल: कर्मचारियों के मुद्दों की बात करें तो सबसे ऊपर पुरानी पेंशन की मांग आती है। पांच राज्यों में इस वक्त चुनाव हो रहे है वहां भी ये मुद्दा पूरे ज़ोर शोर से गूँज रहा है। आपसे आपकी राय जानना चाहेंगे क्या आप प्रदेश में कर्मचारियों की ये मांग पूरी करेंगे ? जवाब: मैं एक बात स्पष्ट करना चाहूंगा कि पूरे देश भर में पश्चिम बंगाल एकमात्र ऐसा राज्य है जहां पुरानी पेंशन दी जाती है। आप वहां के हालात देखिये, वहां तीन - तीन महीने तक कर्मचारियों को सैलरी नहीं मिलती , पेंशन नहीं मिलती। हिमाचल प्रदेश की अगर बात करें तो 2003 में प्रदेश में कांग्रेस की सरकार सत्ता में आई और हिमाचल प्रदेश की सरकार वो पहली सरकार बनी जिसने एनपीएस को स्वीकार किया। केंद्र ने ऑप्शन भेजा और यहां इनकी सरकार ने स्वीकार किया। मुझे ये बहुत विचित्र लगता है की कांग्रेस अब ये कह रही है कि हम पुरानी पेंशन बहाल करेंगे। मैं उनसे पूछता हूँ की कैसे करेंगे ? मैं बता दूँ कि कांग्रेस इस सवाल का जवाब देने की परिस्थिति में नहीं है। पंजाब में चुनाव हो रहे है। वहां कांग्रेस की सरकार है। कर्मचारियों को लुभाने के लिए वहां की सरकार ने कई मांगें पूरी की, कई घोषणाएं की, पर क्या वहां कांग्रेस पुरानी पेंशन दे पाई ? क्या कांग्रेस के पास इस बात का जवाब है। ऐसी स्थिति में इस मसले का हल निकालने की ज़रूरत है। मैं मानता हूँ ये कर्मचारियों की जायज़ मांग है। मगर इस पर कोई रास्ता निकलने की ज़रूरत है। कर्मचारी जो अपनी भावनाएं व्यक्त कर रहे है उसका समाधान करने के लिए हम पूरी कोशश कर रहे है। इस समस्या के समाधान के लिए हमने एक कमेटी बनाने के लिए कहा है जिसके माध्यम से हम कोशिश करेंगे कि समस्या जल्द हल हो। मूल्यांकन करेंगे, आंकलन करेंगे , इसकी फाइनेंशियल इम्प्लीकेशन जांचेंगे और इस सब के बाद जो बन पाएगा वो करेंगे। लेकिन ये इतना सरल कार्य नहीं है, बहुत ही कठिन और जटिल कार्य है। मुझे नहीं लगता कि आज की स्थिति में कोई भी प्रदेश वापस पुरानी पेंशन देने की स्थिति में है। सवाल: विरोधी और विपक्ष अक्सर आप पर आरोप लगाते है कि आपकी अफसरों पकड़ नहीं है और सरकार पर अफसरशाही हावी है। क्या ये वास्तविकता है ? आपको नहीं लगता ये छवि चुनाव में आपके लिए नुकसानदायक सिद्ध हो सकती है ? जवाब: मैं नहीं मानता कि इन चीज़ों का कोई अभिप्राय है। जनता में अजीब धारणाएं बनाने के लिए विपक्ष के लोग कुछ भी कहते रहते है। देखिये हिमाचल देवभूमि है, सहजता और सरलता यहां का गहना है। मैं मानता हूँ कि जो काम सहजता और सरलता से कर सकते है वो हम लाठी मार कर नहीं कर सकते। कर्मचारी और अधिकारी काम में सहयोग करते है। हाँ जहां कहीं भी कुछ गलत हुआ है, उसके लिए हमारे पास एक नहीं अनेक उदाहरण है जहां हमने कठोर कार्रवाई की है। लेकिन इसका मतलब ये नहीं कि हम कर्मचारियों और अधिकारियों को हर समय गाली देते रहे, ये हिमाचल की संस्कृति नहीं है। विपक्ष कहता है कि, फलाना नेता प्रशासन बहुत अच्छे से चलाते थे, क्या वो सफल हुए। क्या वो सरकार रिपीट कर पाए ? देवभूमि के लोगों को नेताओं को देवभूमि की संस्कृति के हिसाब से ही चलना चाहिए, ये ही उचित है। सवाल: इस सरकार के कार्यकाल को चार वर्ष पूरे हो चुके है, इस अंतिम वर्ष में क्या कोई बड़ी सौगात केंद्र की ओर से प्रदेश को मिलेगी ? जवाब: हम केंद्र सरकार के बहुत आभारी है कि हर संकट की घड़ी में केंद्र सरकार ने प्रदेश की सहायता की है। केंद्रीय वित्त मंत्री का भी हम धन्यवाद करना चाहेंगे क्यूंकि उनका भी विशेष सहयोग रहा है। स्पेशल ग्रांट के तौर पर हमें 400 करोड़ की राशि पहले प्रदान की गई थी और 200 करोड़ अभी दिया गया है। छोटा राज्य होने के बावजूद हमें ग्रांट मिल पाई है। अभी जो बजट प्रस्तुत किया गया है इसमें बहुत सारी संभावनाएं निकल कर आई है। हमें लगता है कि इस बार बहुत ही अच्छा बजट हिमाचल को मिलेगा, चाहे हम रेल कनेक्टिविटी की बात करें, चाहे प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की बात करें। मैं बता दूँ कि 6 प्रतिशत की वृद्धि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना में की गई है। साथ ही हिमाचल के साथ जो तिब्बत - चीन का बॉर्डर एरिया लगता है, वहां के ग्रामीण क्षेत्रों में भी वाइब्रेंट विलेज का जो नया कांसेप्ट लाया गए है वो बहुत बेहतरीन है। ग्रामीण क्षेत्रों में जो सुविधाएं और कनेक्टिविटी देने की बात कही गई है वो एक बेहतरीन पहल है। इसी के साथ उन क्षेत्रों में जहां रोड बनाना संभव नहीं है, जहां पैसा ज़्यादा लगेगा, समय ज़्याद लगेगा या पर्यावरण को नुक्सान होगा वहां के लिए रोपवेस की नई योजना केंद्र सरकार लाई है। ये बहुत बड़ा सराहनीय कदम है और इसके लिए मैं व्यक्तिगत रूप से प्रधानमंत्री और वित मंत्री जी का धन्यवाद करना चाहूंगा। हमने इस कांसेप्ट को उनके सामने रखा था कि जहां सड़क पहुंचाने में कठिनाई है वहां आप रोपवे दीजिये। उन्होंने इसे स्वीकार किया और बजट में इसका प्रावधान भी किया, जिसके लिए हम उनके आभारी है। सवाल: मुख्यमंत्री जी आप तो धन्यवाद कर रहे है लेकिन विपक्ष का कहना है कि ये बजट दिशाहीन है ? जवाब: देखिये विपक्ष खुद ही दिशाहीन है। इनका क्या कर सकते है, पूरे देश में इनके पास कोई दिशा नहीं है। परिहास का विषय बनी हुई है कांग्रेस पार्टी। मैं इतना ही कहना चाहूंगा की जब आने वाले समय में इस बजट का इम्पैक्ट आप देखेंगे तो कांग्रेस को भी मालूम हो जाएगा की देश किस दिशा में जा रहा है। सवाल: मिशन रिपीट का सपना भाजपा संजोए हुए है मगर किसी से भी भाजपा की गुटबाज़ी छिपी नहीं है, दो धड़ों में पार्टी बंटी हुई है ऐसे में पार्टी रिपीट कैसे कर पाएगी ? जवाब: मैं मानता हूँ कि गुटबाज़ी बिलकुल भी नहीं है। ये सारी बातें बनाई जाती है, बनाने की कोशिश की जाती है। भाजपा आज तक के इतिहास में सबसे मज़बूत नेतृत्व के हाथ में है। आदरणीय मोदी जी हमारे नेता है, देश के प्रधानमंत्री है। अमित शाह जी के पास लम्बे समय तक संगठन को संभालने का अनुभव है। साथ ही हमारे लिए गर्व की बात है कि हिमाचल से संबंध रखने वाले जगत प्रकाश नड्डा जी पार्टी के अध्यक्ष है। हिमाचल क्या पूरे देश में गुटबाज़ी की गुंजाइश नहीं है। आने वाले समय में आप देखेंगे कि भाजपा के सभी नेता एकजुट होकर आगे बढ़ेंगे ,काम करेंगे और आपके सामने ही भारतीय जनता पार्टी की सरकार एक बार फिर सत्ता में आएगी।
राज्य कर एवं आबकारी विभाग ने जीएसटी के अन्तर्गत साल के पहले माह में 427.72 करोड़ रुपये एकत्रित किए हैं, जो जनवरी, 2021 में एकत्रित 346.30 करोड़ रुपये की तुलना में 24 प्रतिशत अधिक है। चालू वित्त वर्ष में जनवरी, 2022 तक संचयी जीएसटी संग्रह 3745.32 करोड़ रुपये जबकि गत वर्ष इसी अवधि के दौरान यह 2716.75 करोड़ रुपये था। इस तरह जनवरी, 2022 तक संचयी जीएसटी में 38 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई है। जीएसटी राजस्व में सकारात्मक वृद्धि विभाग द्वारा रिटर्न फाइल करने वालों पर विशेष निगरानी, इन-ट्रांजिट वस्तुओं के सत्यापन में वृद्धि, विश्लेषणात्मक रिपोर्ट का बेहतर उपयोग और राज्य मुख्यालय द्वारा फील्ड के अधिकारियों के प्रदर्शन की निगरानी के परिणामस्वरूप हुई है। जीएसटीएन की बिजनेस इंटेलिजेंस टूल आधारित रिपोर्टों द्वारा राज्य और केंद्रीय कर प्रशासन को कर की चोरी करने वाले लोगों पर कार्रवाई करने में मदद मिली है, जिसके परिणामस्वरूप राजस्व में वृद्धि हुई है। विभाग जीएसटी राजस्व वृद्धि के लिए स्वैच्छिक अनुपालना बढ़ाने पर भी ध्यान केंद्रित कर रहा है। विभाग ने हितधारकों के अनुपालन संबंधी प्रश्नों और मुद्दों के समयबद्ध निष्पादन एवं जीएसटी कानून और प्रक्रियाओं में हो रहे परिवर्तनों के बारे में उन्हें जागरूक करने के लिए हाल ही में "टैक्स हाट" कार्यक्रम शुरू किया है।
बीड़ बीलिंग में सुरक्षित पैराग्लाइडिंग के लिए ऐप तैयार किया जाएगा जिसके माध्यम से ही पर्यटक पैराग्लाइडिंग का व्यवस्थित तरीके से आनंद उठा पाएंगे। ऐप के माध्यम से पैराग्लाइडर ऑपरेटर तथा पायलट का पंजीकरण जरूरी होगा। इसके साथ ही पैराग्लाइडिंग के रेट भी निर्धारित किए जाएंगे ताकि पर्यटकों को किसी भी तरह की असुविधा नहीं होगी। ऐप के माध्यम से पैराग्लाइडिंग की मॉनिटरिंग भी सुनिश्चित की जाएगी। बिना पंजीकरण के किसी को भी पैराग्लाइडिंग की अनुमति नहीं मिलेगी इसके साथ ही पैराग्लाइडिंग के एयरक्राफ्ट पर प्रतीक चिन्ह इत्यादि भी प्रदर्शित किया जाएगा ताकि बिना पंजीकरण के पैराग्लाइडिंग करने वालों की निगरानी की जा सके। वहीं उपायुक्त डा निपुण जिंदल ने कहा कि सुरक्षित पैराग्लाइडिंग के लिए स्थानीय तकनीकी कमेटी भी गठित की जाएगी जिसमें एसडीएम के माध्यम से आदेश जारी करने के लिए कहा गया है। इसके साथ ही मौसम को लेकर भी एक कमेटी गठित की जाएगी जो कि पैराग्लाइडिंग के लिए अनुरूप मौसम होने के बारे में नियमित तौर पर पैराग्लाइडर का मार्गदर्शन करेगी। उन्होंने कहा कि पैराग्लाइडिंग के उपकरणों की तीन माह के बाद जांच भी जरूरी की जाएगी। डॉ निपुण जिंदल ने कहा कि पर्यटन विभाग के माध्यम से बीड़ में पैराग्लाइडिंग के पायलट्स को नियमित तौर पर ट्रेनिंग के लिए भी उचित कदम उठाए जाएंगे इस के लिए बीड़ में पायलट के लिए ट्रेनिंग संस्थान की व्यवस्था भी की जा रही है। पैराग्लाइडिंग की लैंडिंग साइट पर नो पार्किंग जोन भी निर्धारित किए जाएंगे ताकि किसी भी तरह के अप्रिय घटनाएं नहीं हो सकें। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने डॉ.राधाकृष्णन राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय हमीरपुर के पैथोलॉजी विभाग में 84.20 लाख रुपये की लागत से स्थापित हिस्टोपैथोलॉजी प्रयोगशाला का लोकार्पण किया। उन्होंने बाॅयो-केमिस्ट्री विभाग में 15 लाख रुपये की लागत से स्थापित ऑटोमेटिक बायोकेमिस्ट्री एनालाइजर का लोकार्पण भी किया। इस सुविधा से एक घंटे में 360 फोटोमीट्रिक जाँच तथा कोविड-19 मरीजों के बायो-केमिस्ट्री टेस्ट भी किए जा सकेंगे।
हिमाचल प्रदेश के किसान प्राकृतिक खेती कर कई सफलता के उदाहरण साबित कर रहे है। हिमाचल प्रदेश देश का पहला ऐसा राज्य है जिसने प्राकृतिक खेती को अपनाया। जहाँ प्रदेश के अधिकांश किसान प्राकृतिक खेती कर लाखो रुपए कमा रहे है वहीँ अब सेब बागवानों का रुझान भी इस खेती की और बढ़ने लगा। कुल्लू जिला के युवा किसान विजय ने भी प्रकृतिक खेती को अपनाया और प्राकृतिक खेती ने विजय सिंह की तकदीर बदल दी है। विजय सिंह छह बीघा भूमि में प्राकृतिक खेती से सालाना सात लाख से अधिक की आय अर्जित कर रहे हैं। स्नातक की पढ़ाई के बाद कुल्लू जिला के शोरन गांव के विजय ने खेतीबाड़ी कर अब अच्छी आय अर्जित कर दूसरों के लिए प्रेरणा स्रोत बन रहे हैं। वर्ष 2017 में विजय सिंह ने यूट्यूब के माध्यम से प्राकृतिक खेती की जानकारी ली। शुरू में अपनी भूमि में हल्का प्रयोग किया, जिसमें उन्होंने गोमूत्र का सहारा लिया। इसके बाद वर्ष 2019 में पालमपुर में प्राकृतिक खेती का प्रशिक्षण प्राप्त किया। इस प्रशिक्षण के बाद प्राकृतिक विधि से खेतों में कार्य करना शुरू किया। लेकिन परिवार ने इसका काफी विरोध किया। युवक के जुनून के आगे छह बीघा भूमि में प्राकृतिक खेती करनी शुरू की। परिणाम देख युवक सहित परिवार के सदस्य भी खुश हुए और आज परिवार विजय का साथ दे रहा है। आज सेब के 400 पौधे और नाशपाती के 150 पौधे तैयार हैं। प्राकृतिक तौर पर तैयार खादों के प्रयोग से सेब के पौधों में कैंकर, वूली एफिड जैसे रोगों से निजात मिली है। उन्होंने कहा कि यह लोगों की गलत धारणा है कि प्राकृतिक खेती में ज्यादा रुपए खर्च होते है, लेकिन सच्चाई यह है कि प्राकृतिक खेती से एक तो मिट्टी की उपजाऊ क्षमता बढ़ती है और स्प्रे, प्राकृतिक कीटनाशक दवाओं का भी कम इस्तेमाल होता है।
अपनी वर्चुअल रैली में मोदी ने कहा कि जब पीएम आवास योजना में घर मिलता है तो हर गरीब को घर मिलता है, उसकी जाति, उनका पंथ उसका क्षेत्र नहीं देखा जाता है। जब उज्ज्वला योजना से गैस का कनेक्शन मिलता है तो माताओं-बहनों से जाति नहीं पूछी जाती है। हमारी सरकार में जब मुफ्त राशन मिलता है तो किसी भी बिरादरी, किसी का समाज, कौन क्या है ये कुछ नहीं पूछा जाता है। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर चुनावी प्रचार अपने चरम पर है। इन सब के बीच आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक बार फिर से जन चौपाल को संबोधित किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दौरान समाजवादी पार्टी पर जमकर निशाना साधा। मोदी ने कहा कि 2017 से पहले, उत्तर प्रदेश में भी विकास की नदी का पानी ठहरा हुआ था। ये पानी नकली समाजवादियों के परिवार में, उनके करीबियों में ठहरा हुआ था। इन लोगों को सामान्य मानवी की प्यास से कभी कोई मतलब नहीं रहा। वो सिर्फ अपनी प्यास बुझाते रहे, अपनी तिजोरियों की प्यास बुझाते रहे। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी, प्रदेश के प्रत्येक व्यक्ति को अपना परिवार मानती है। हमारा मंत्र है- सबका-साथ,सबका-विकास,सबका विश्वास और सबका प्रयास। इसलिए बीजेपी की सरकार में भाई-भतीजावाद और तुष्टीकरण की कोई जगह नहीं है।
एसजेवीएन के विद्युत स्टेशनों ने जनवरी माह में 290.47 मिलियन यूनिट का उत्पादन किया है, जो जनवरी 2020 में प्राप्त 277.63 मिलियन यूनिट के गत रिकार्ड से अधिक है। जनवरी 2021 में 265.69 मिलियन यूनिट की तुलना में जनवरी 2022 में विद्युत उत्पादन में दस प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है। यह जानकारी एसजेवीएन के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक नंदलाल शर्मा ने दी। उन्होंने अवगत करवाया कि एक और बड़ी उपलब्धि में 1500 मेगावाट नाथपा झाकड़ी जलविद्युत स्टेशन ने 31 जनवरी, 2022 को 6612 मिलियन यूनिट 90 प्रतिशत विश्वसनीय वर्ष की अपनी डिजाइन एनर्जी को पार कर लिया है। यह उपलब्धि वित्तीय वर्ष के दो माह शेष होने के साथ हासिल की गई है। उन्होंने बताया कि इसके अतिरिक्त एसजेवीएन ने अपने साझा विजन को वर्ष 2023 तक 5000 मेगावाट, 2030 तक 25000 मेगावाट और 2040 तक 50000 मेगावाट तक बढ़ाया है। यह संशोधन इसके पोर्टफोलियो में कई परियोजनाओं को शामिल करने और पहले से ही स्थापित भारत और विदेशों में मेगा हाइड्रो परियोजनाओं के सफलतापूर्वक संचालन और कार्यान्वयन के परिणामस्वरूप हुआ है। जलविद्युत के पश्चात कंपनी ने सफलतापूर्वक विभिन्न व्यावसायिक कार्यक्षेत्रों को जोड़ा हैं और ताप, सौर, पवन विद्युत उत्पादन, विद्युत ट्रांसमिशन और पावर ट्रेडिंग में प्रवेश किया है। उन्होंने कहा कि एसजेवी नाइट्स के अथक प्रयासों से कंपनी का पोर्टफोलियो 16000 मेगावाट से अधिक का हो गया है। एसजेवीएन के बढ़ते पोर्टफोलियो ने साझा विजन के इस संशोधन को आवश्यक बना दिया है। निर्माणाधीन 8 परियोजनाओं में निर्माण गतिविधियां तीव्र गति से आगे बढ़ रही हैं। इन परियोजनाओं में नेपाल में 900 मेगावाट की अरुण 3 एचईपी, बिहार में 1320 मेगावाट की ताप परियोजना, भूटान में 600 मेगावाट की खंलोंग्चु एचईपी, हिमाचल प्रदेश में 210 मेगावाट की लूहरी एचईपी और 66 मेगावाट की धौलासिद्ध एचईपी और उत्तराखंड में 60 मेगावाट नैटवाड़ मोरी एचईपी शामिल हैं। एसजेवीएन का सौर और पवन पोर्टफोलियो 2017 में 5.6 मेगावाट की तुलना में वर्तमान में बढ़कर 2750 मेगावाट से अधिक हो गया है। हिमाचल प्रदेश में 880 मेगावाट की काजा सौर परियोजना, बिहार में 1000 मेगावाट की इरेडा सौर परियोजना, 200 मेगावाट की सौर परियोजना, उत्तर प्रदेश, पंजाब और गुजरात में सौर परियोजनाएं विकास के विभिन्न चरणों में हैं। 75 मेगावाट कीपरासन और 70 मेगावाट की बगोदरा सौर परियोजनाएं विकास के अग्रिम चरण में हैं और अगस्त 2022 तक कमीशनिंग के लिए निर्धारित है। अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धी बोली के तहत एसजेवीएन ने हाल ही में नेपाल में प्रतिष्ठित 669 मेगावाट की लोअर अरुण परियोजना हासिल की है। 1912 मेगावाट की स्थापित जलविद्युत क्षमता के साथ 10556 मेगावाट क्षमता की परियोजनाएं भारत, नेपाल और भूटान में विकास के विभिन्न चरणों में हैं।
हिमाचल प्रदेश को देशभर में जल गुणवत्ता सर्वेक्षण में उपभोक्ता स्तर पर पेयजल की मात्रा, गुणवत्ता और नल कार्यशीलता में प्रथम स्थान पर आंका गया है। इसके लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने जल शक्ति विभाग की सराहना की है। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए हिमाचल सरकार की पीठ थपथपाई है। जल शक्ति मंत्री महेंद्र ठाकुर के मुताबिक जल शक्ति विभाग की ओर से प्रदेश में दो साल में 8.27 लाख घरों को नल से शुद्ध जल उपलब्ध करवाया गया है। यह पिछले 72 वर्षों में लगे 7.63 लाख नलों से अधिक है। राष्ट्रीय जल जीवन मिशन के तहत प्रदेश ने हर घर नल उपलब्ध करवाने की दिशा में पूरे देश में बेहतरीन कार्य किया है। जुलाई, 2022 तक हर घर में नल से जल देने का लक्ष्य रखा है, जबकि हर घर नल से जल उपलब्ध करवाने का राष्ट्रीय लक्ष्य 2024 तक का है। अगर हम केंद्र द्वारा जारी राशि की बात करें तो मार्च, 2022 तक के लिए कुल 2240.10 करोड़ रुपये की राशि केंद्र व प्रदेश सरकार की ओर से उपलब्ध करवाई गई है, जिसमें से चालू वित्त वर्ष के लिए 1429.08 करोड़ रुपये का प्रावधान है। वर्ष 2019-20 में हिमाचल प्रदेश को 57.15 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई थी, जबकि वर्ष 2020-21 में प्रदेश को 221.28 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई थी, जो कि देश भर में मिशन के अंतर्गत बेहतर कार्य करने वाले अग्रणी सात राज्यों में सर्वाधिक है। प्रदेश को वर्ष 2021-22 की अंतिम किस्त 315.69 करोड़ रुपये मिल चुकी है और वर्ष 2021-22 में प्रदेश को भारत सरकार से कुल 1262.78 करोड़ रुपये केंद्र की हिस्सेदारी के रूप में प्राप्त हो चुके हैं। राज्य को बेहतर प्रदर्शन के आधार पर इस वर्ष भी प्रोत्साहन राशि अपेक्षित है। -महेंद्र सिंह ठाकुर, जल शक्ति मंत्री
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने रविवार को उत्तराखंड की जनता से कांग्रेस की परिवारवाद की राजनीति को नकराने और प्रदेश में निर्बाध विकास सुनिश्चित करने के लिए नरेंद्र मोदी और पुष्कर सिंह धामी की डबल इंजन की सरकार को दोबारा चुनने की अपील की। उत्तराखंड के कुमांउ क्षेत्र में भाजपा प्रत्याशियों के पक्ष में प्रचार करते हुए चौहान ने कांग्रेस को परिवार केंद्रित पार्टी बताया और जनता से यह निर्णय करने को कहा कि वे परिवारवादी राजनीति चाहते हैं या विकास की राजनीति। पिछले पांच साल में डबल इंजन की सरकार द्वारा उत्तराखंड में किए गए विकास कार्यों का उदाहरण देते हुए चौहान ने जनता से इसे दोबारा चुनने की अपील की जिससे विकास की प्रक्रिया अनवरत चलती रहे। उन्होंने कहा, मैं यहां आपसे यह निवेदन करने आया हूं कि आप मोदी और धामी की डबल इंजन की सरकार दोबारा बनाइए। मोदी जी आज प्रधानमंत्री हैं,कल भी रहेंगे और 2024 के बाद भी रहेंगे।चौहान ने कहा कि भाजपा ही अकेली ऐसी पार्टी है जहां परिवारवादी राजनीति के लिए कोई जगह नहीं है।राहुल गांधी और अरविंद केजरीवाल द्वारा राज्य में मतदाताओं को आकर्षित करने के लिए की जा रही लोकप्रिय घोषणाओं पर उन्होंने कहा कि उनसे पूछा जाना चाहिए कि वह जिन चीजों का यहां वादा कर रहे हैं, उन चीजों की उन राज्यों में क्या स्थिति है जहां उनकी पार्टी सत्ता में है। बाद में संवाददाताओं से बातचीत में चौहान ने कांग्रेस के चारधाम, चारकाम नारे पर व्यंग्य करते हुए कहा कि कांग्रेस के चारधाम सोनिया गांधी, बाबा राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और राबर्ट वाद्रा हैं। उन्होंने कहा, वे उससे आगे कुछ नहीं सोच सकते। जब हरीश रावत मुख्यमंत्री थे तो वे भी इन्हीं धामों के गुण गाते थे। राहुल गांधी के ताजा बयान दो भारत का जिक्र करते हुए मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि उसने देश को विभाजित करने का पाप किया है। उन्होंने कहा कि जब चीन ने भारत के एक हिस्से पर कब्जा किया था तो तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने कहा था कि वहां तो घास का एक तिनका भी नहीं उगता। उन्होंने कहा, यह कांग्रेस की सोच को दर्शाता है।
कोरोना वायरस के मामलों में कमी के बाद आज दिल्ली में फिर से स्कूल खोल दिए गए। राष्ट्रीय राजधानी में स्कूलों और कॉलेजों को फिर से खोलने के लिए दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के दिशानिर्देशों के बाद आज कक्षा 9 से 12 के लिए स्कूल फिर से खुल गए। हालांकि सभी स्कूलों में कोरोना प्रोटोकॉल को सख्ती से लागू किया गया है। इसके साथ ही छात्रों को स्कूलों में प्रवेश करने से पहले COVID उपयुक्त व्यवहार का पालन करने का निर्देश दिया गया है। छात्र एक बार फिर से फिजिकल रूप से स्कूल जाने को लेकर उत्साहित हैं। एक छात्र ने बताया की वह एक बार फिर से स्कूल आकर बेहद ही खुश हैं। छात्र ने बताया कि आप आगामी बोर्ड परीक्षा के लिए अच्छे से तैयारी भी कर पाएंगे। दिल्ली के उपमुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया ने दिल्ली कैंट के एक सरकारी स्कूल का दौरा किया। उन्होंने छात्रों से बातचीत भी की। एएनआई से बात करते हुए, दिल्ली के डिप्टी सीएम ने कहा कि सरकारी स्कूल के 95 प्रतिशत से अधिक छात्रों और लगभग 50 प्रतिशत निजी स्कूल के छात्रों को पहली खुराक का टीका लगाया गया है, लेकिन ऐसा कोई मानदंड नहीं है कि केवल टीकाकरण वाले छात्रों को ही स्कूलों में प्रवेश करने की अनुमति दी जाएगी। शिक्षकों को टीकाकरण की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि समय तक के लिए अभी ऑनलाइन कक्षाएं जारी रहेंगी। नर्सरी से 8वीं तक के स्कूल 14 फरवरी से खोल दिए जाएंगे। सरकारी स्कूलों के 95 प्रतिशत बच्चों को कोविड वैक्सीन की डोज़ लग चुकी है। निजी स्कूलों के आधे बच्चों को भी डोज़ लग गई है
जूनून इंसान को कुछ भी करवा सकता है। आपने बहुत से ऐसे लोग देखे होंगे जो अपने जूनून के लिए पहाड़ों पर चढ़ते है या अन्य कार्य करते है। आज आपको मिलवाने जा रहे है ऐसे ही एक व्यक्ति से जो केरला से हिमाचल तक साइकिल पर आ पहुंचे है और इसके बाद आगे भी साइकिल पर ही अपनी यात्रा जारी रखेंगे। व्यक्ति का नाम है फवास, फवास केरला के मलप्पुरम जिले के रहने वाले है। इन्होने अपनी यात्रा 10 नवंबर को अपने घर से शुरू की थी और उन्हें यह यात्रा शुरू किये करीब 3 महीने हो चुके है जिसके बाद वह अब धर्मशाला पहुंचे है। फवास ने अपनी यात्रा केरला से शुरू की थी जिसके बाद वह कर्नाटक, गोवा, महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान, उत्तरप्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और अब हिमाचल पहुंचे है। इसके बाद फवास कश्मीर जाएंगे और उसके बाद उत्तराखंड, नेपाल, बिहार, कलकत्ता, तेलंगाना, आन्धरप्रदेश, तमिलनाडु होते हुए वापिस केरला पहुंचेगे। फवास का कहना है कि साइकिल पर घूमने का एक मात्र लक्ष्य है कि भारत को एक्सप्लोर किया जाए। फवास के अनुसार साइकिल पर घूमने से सेहत भी ठीक रहती है। उन्होंने कहा कि जब वह केरला से निकले थे तो उनका वजन 75 किलो था लेकिन आज उनका वजन 65 किलो हो चूका है। फवास भारत के कई राज्यों से होते हुए आज धर्मशाला पहुंचे है। पेशे से फवास एक ऑटोमोबाइल इंजीनियर है और अभी केवल देश के अलग अलग स्थानों को एक्स्प्लोर कर रहे है।
सुर साम्राज्ञी लता मंगेशकर को श्रद्धांजलि देने के बाद सोमवार को राज्यसभा की कार्यवाही उनके सम्मान में एक घंटे के लिए स्थगित कर दी गई। सुबह 10 बजे राज्यसभा की कार्यवाही आरंभ होने पर सभापति एम वेंकैया नायडू ने लता मंगेशकर के निधन का जिक्र किया। सदस्यों ने कुछ क्षणों का मौन रखकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद नायडू ने उनके सम्मान में सदन की कार्यवाही एक घंटे के लिए स्थगित कर दी। संगीत की दुनिया में लता मंगेशकर की उल्लेखीय भूमिका को याद करते हुए नायडू ने कहा कि उनके निधन से एक युग का अंत हो गया और देश को अपूरणीय क्षति हुई है। उन्होंने कहा कि पिछले सात दशकों में लता मंगेशकर ने 36 भाषाओं सहित कुछ विदेशी भाषाओं में भी 25 हजार से अधिक गाने गाए और देश व दुनिया को अपनी मधुर आवाज से मंत्रमुग्ध किया। उन्होंने कहा कि लता मंगेशकर 1999 से 2005 तक राज्यसभा की मनोनीत सदस्य रही थीं। लता मंगेशकर का रविवार को मुबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में निधन हो गया था। वह 92 वर्ष की थीं। मुंबई में पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। लता मंगेशकर के सम्मान में सदन की कार्यवाही एक घंटे के लिए स्थगित करने के साथ ही नायडू ने कहा कि आज शून्यकाल और प्रश्नकाल नहीं होगा और सदन की कार्यवाही आरंभ होने के बाद राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा जारी रहेगी।
पालघर : ट्रांसजेंडर समुदाय को पहचान पत्र मुहैया कराए जाएंगे। उपमंडलीय अधिकारी असीमा मित्तल ने कहा कि उन्होंने हाल में जिले के दहानू तालुका में 30 ट्रांसजेंडर लोगों को पहचान पत्र वितरित किए। मित्तल ने कहा कि जिले में 100 से अधिक ट्रांसजेंडर हैं और उन सभी को जल्द ही पहचान पत्र दिए जाएंगे। ट्रांसजेंडर समुदाय के लोगों के अंतिम संस्कार में किसी प्रकार की दिक्कत न हो। जिलाधिकारी डॉ. मणिक गुरसाल ने पिछले सप्ताह जारी आदेश में कहा कि ट्रांसजेंडर लोगों को समाज के अन्य लोगों से अलग नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने आश्वासन दिया कि उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत सभी लाभ दिए जाएंगे और इसके लिए उन्हें पहचान-पत्र जारी करने की प्रक्रिया शुरू की गई है। उपमंडलीय अधिकारी असीमा मित्तल ने कहा कि उन्होंने हाल में जिले के दहानू तालुका में 30 ट्रांसजेंडर लोगों को पहचान पत्र वितरित किए। मित्तल ने कहा कि जिले में 100 से अधिक ट्रांसजेंडर हैं और उन सभी को जल्द ही पहचान पत्र दिए जाएंगे।
भारत रत्न और स्वर कोकिला लता मंगेशकर का मुंबई के शिवाजी पार्क में पूरे राजकीय सम्मान के साथ रविवार को अंतिम संस्कार किया गया। लता के भाई हृदयनाथ मंगेशकर ने नम आंखों से उन्हें मुखाग्नि दी। इस मौके पर हज़ारों चाहने वाले और लता दीदी के परिवार के सदस्य वहां पर मौजूद रहे। फिल्मी दुनिया से लेकर राजनीतिक और खेल जगत की हस्तियां भी लता के अंतिम संस्कार में शामिल हुईं। राष्ट्रीय ध्वज में लिपटे लता मंगेशकर के पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए दक्षिण मुंबई में उनके आवास से शिवाजी पार्क लाया गया। सुर साम्राज्ञी लता मंगेशकर ने एक समय कहा था कि उनकी गायिकी किसी तरह का चमत्कार या कोई असाधारण चीज नहीं है और जो कुछ है वह ईश्वर की इच्छा है, क्योंकि कई ने उनसे बेहतर गाया, लेकिन उन लोगों को वह सब कुछ नहीं मिला ‘जो मुझे मिला’। लता दीदी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, शाहरुख खान और मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने श्रद्धांजलि दी। राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी भी लता मंगेशकर के अंतिम दर्शन के लिए वहां पहुंचे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लता मंगेशकर के आखिरी दर्शन और उन्हें श्रद्धांजलि देने के बाद उनके परिवारवालों से मुलाकात की। पीएम मोदी ने सीएम उद्धव से भी मुलाकात की और फिर वहां से रवाना हो गए। अभिनेता अमिताभ बच्चन, अनुपम खेर, गीतकार जावेद अख्तर और फिल्मकार संजय लीला भंसाली सहित अन्य ने दक्षिण मुंबई में पेड्डार रोड स्थित मंगेशकर के आवास पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। वहां से करीब आठ किमी दूर स्थित शिवाजी पार्क के लिए गायिका के पार्थिव शरीर को ले जाया गया। सुर साम्राज्ञी जब अपनी अंतिम यात्रा पर निकलीं तो बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उमड़ पड़े और काफिला आगे बढ़ता गया। शरीर के कई अंगों के काम करना बंद कर देने पर लता का यहां एक अस्पताल में रविवार सुबह निधन हो गया। वह 92 वर्ष की थीं। पुलिस और सेना ने मंगेशकर को औपचारिक सलामी दी और एक बैंड ने राष्ट्रगान बजाया। इसके बाद मंगेशकर के पार्थिव शरीर को फूलों से सजे ट्रक पर रखा गया और उसमें गायिका की एक विशाल तस्वीर भी रखी गई। ट्रक में पार्थिव शरीर के साथ मंगेशकर की बहन और प्रख्यात गायिका आशा भोसले सहित उनके परिवार के कुछ सदस्य थे। इस मौके पर महाराष्ट्र के मंत्री आदित्य ठाकरे भी मौजूद थे। मंगेशकर के आवास पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करने वालों में अमिताभ बच्चन की बेटी श्वेता नंदा, फिल्फकार आशुतोष गोवारिकर, मधुर भंडारकर, अभिनेत्री श्रद्धा कपूर और संगीतकार ललित पंडित भी शामिल थे। सेना, पुलिस जीप की सुरक्षा में ट्रक हाजी अली जंक्शन, वर्ली नाका, पोद्दार अस्पताल चौक, पुराना पासपोर्ट कार्यालय, सिद्धिविनायक मंदिर, कैडल रोड से होकर गुजरेगा और बाद में दादर के शिवाजी पार्क में पहुंचेगा, जहां गायिका का पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार होगा।
पंजाब की राजनीति में अब बॉलीवुड का भी तड़का लगने लगा है। सोनू सूद की बहन की एंट्री के बाद अब एक्ट्रेस माही गिल की भी एंट्री होने जा रही हैं। किसान आंदोलन के समय हम सभी ने देखा था कि कैसे पूरा पंजाब सिनेमा धरने पर बैठे किसानों के समर्थन में आ गया था। अब पंजाब में विधानसभा चुनाव है इस लिए एक एक करके आप सितारों की एंट्री की खबरें सुनते रहेंगे। भारतीय जनता पार्टी पंजाब में विधानसभा चुनाव से पहले अपने साथ कुछ स्टार पावर जोड़ने के लिए तैयार है साहिब बीबी और गैंगेस्टर की एक्ट्रेस माही गिल की सात फरवरी को चंडीगढ़ में पार्टी की पंजाब इकाई में शामिल होने की संभावना है। माही गिल होंगी बीजेपी में शामिल देव डी एक्ट्रेस ने पिछले साल दिसंबर में वार्ड 2 से कांग्रेस उम्मीदवार हरमोहिंदर सिंह लकी के लिए प्रचार किया था। इस प्रचार के दौरान माही गिल से साफ शब्दों में कहा था कि लकी उनके बचपन का दोस्त था और वह केवल उसका साथ दे रही थी। उन्होंने कथित तौर पर कहा था कि उसकी "राजनीति में शामिल होने की कोई योजना नहीं है, लेकिन भविष्य में ऐसा कर सकती है"। इससे पहले, केंद्रीय मंत्री और भाजपा नेता हरदीप सिंह पुरी ने पंजाब में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के बीच चुनाव बाद गठबंधन की संभावना से इनकार किया था। भाजपा के वरिष्ठ नेता ने स्पष्ट रूप से कहा कि दोनों दलों का गठबंधन एक "खराब शादी" था।
देश की मशहूर गायिका और स्वर कोकिला लता मंगेशकर का निधन हो गया है। उनके निधन से बॉलीवुड इंडस्ट्री के साथ साथ करोड़ो फैंस के बीच शोक की लहर है। बॉलीवुड से जुड़े दिग्गजों से लेकर तमाम वरिष्ठ राजनेता उनके निधन को अपूर्णीय क्षति बता रहे हैं। 92 साल की उम्र में दुनिया को अलविदा कहने वाली लता दीदी जब 33 साल की थीं तभी उन्हें जहर देकर मारने की कोशिश की गई थी। अपनी जिंदगी की इस कहानी से लता मंगेशकर ने खुद ही पर्दा हटाया था। दरअसल अपने एक इंटव्यू में लता दीदी ने अपनी जिंदगी से जुड़ी एक ऐसी दर्दनाक घटना साझा की थी जिसे सुनकर सभी भौचक्के रह गए थे। उन्होंने इस कहानी को बेपर्दा करते हुए कहा, 'हम मंगेशकर्स इस बारे में बात नहीं करते, क्योंकि यह हमारी जिंदगी का सबसे भयानक दौर था। यह बात साल 1963 की है, उन दिनों मुझे अचानक कमजोरी महसूस होने लगी थी, धीरे-धीरे ये कमजोरी इतनी बढ़ गई कि मैं बेड से भी बमुश्किल उठ पाती थीं। उन्होंने कहा कि हालात ये हो गया कि मैं अपने दम पर चल फिर भी नहीं सकती थी।" लता जी ने आगे बताया कि जब उन्होंने डॉक्टर्स से ट्रीटमेंट शुरू किया तो पता चला कि उन्हें धीमा जहर दिया गया था। लता दी ने कहा कि ये दौर मेरी जिंदगी में किसी परीक्षा से कम नहीं था। हालांकि इलाज के बाद वे धीरे-धीरे ठीक हुईं। उन्होंने कहा कि डॉक्टर्स के ट्रीटमेंट और मेरा दृढ़ संकल्प मुझे वापस ले आया। तीन महीने तक बेड पर रहने के बाद मैं फिर से गाने रिकॉर्ड करने लायक हो गई थी।" जब उनसे जहर देने वाले के बारे में पूछा गया तो वो कहती हैं कि उन्हें पता चल गया था कि जहर किसने दिया लेकिन हमने सबूत के आभाव में उसपर किसी तरह का एक्शन नहीं लिया। लाता दीदी ने बताया कि रिकवरी के दौरान मजरूह साहब हर शाम घर आते और उन्हें कविताएं सुनाया करते थे। इससे उनका दिल बहल जाता था। उन्होंने कहा कि उनकी रिकवरी के पीछे मजरूह सुल्तानपुरी की अहम भूमिका थी। अपनी व्यस्त शेड्यूल के बाद भी वह मेरी बीमारी के दौरान वे हर रोज मुझसे मिलने आते थे। यहां तक कि मेरे लिए डिनर में बना सिंपल खाना खाते थे और मुझे कंपनी देते थे। लता जी कहती हैं कि अगर मजरूह साहब न होते तो मैं उस मुश्किल वक्त से उबरने में सक्षम न हो पाती।"
स्वर कोकिला लता मंगेशकर का आज मुंबई के शिवाजी पार्क में अंतिम संस्कार किया जाएगा। वंही प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी अंतिम संस्कार में शामिल होंगे। वे शाम चार बजे मुंबई पहुंचेंगे। लता जी का पार्थिव शरीर दोपहर 12.30 बजे उनके घर प्रभु कुंज ले जाया जा रहा है, जहां उनके परिवार, रिश्तेदार समेत अन्य लोग उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। शिवाजी पार्क में पूर्ण राष्ट्रीय सम्मान के साथ शाम 6.30 बजे अंतिम संस्कार किया जाएगा। लता जी का पार्थिव शरीर दोपहर 12.30 बजे उनके घर ले जाया गया जिसके बाद पूर्ण राष्ट्रीय सम्मान के साथ शिवाजी पार्क में शाम 6.30 बजे उनका अंतिम संस्कार किया जाएग। बता दें कि देश में दो दिन का राष्ट्रीय शोक घोषित किया गया है इस दौरान दो दिन तक तिरंगा ध्वज आधा झुका रहेगा। लता जी के निधन के बाद दो दिन का राष्ट्रीय शोक घोषित किया गया है। पुलिस के तरफ से लता जी के घर के बाहर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई जा रही है। पूर्ण राष्ट्रीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार होगा, दो दिन तक तिरंगा ध्वज आधा झुका रहेगा। मिलिट्री वाहन में अंतिम यात्रा रवाना होगी।
स्वर कोकिला लता मंगेशकर इस दुनिया को अलविदा कहकर जा चुकी हैं। कोरोना संक्रमित होने के बाद लता मंगेशकर को मुंबई के अस्पताल में भर्ती कराया गया था जिसके बाद आज उनका निधन हो गया। लता जी ने अपना पूरा जीवन संगीत को समर्पित कर दिया था। 51 साल में उन्हें 75 से ज्यादा अवॉर्ड से नवाजा गया। लता जी केवल 30 साल की थी जब उन्हें पहला अवॉर्ड मिला था। वहीं देखते ही देखते उन्होंने कमायाबी की इतनी सीढ़ियां चढ़ ली कि साल 2001 में उन्हें केंद्र सराकर ने भारत रत्न से नवाजा था। लता जी को आखिरी बार साल 2019 में टीआरए की मोस्ट डिजायर्ड अवॉर्ड से नवाजा गया था। साल 1969 में लता जी को पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था। साल 1989 में उन्हें दादा साहब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित किया गया। साल 1999 में लता जी को पद्म विभूषण दिया गया था। साल 2008 में उन्हें लाइफ टाइम अचीवमेंट अवॉर्ड दिया गया था। लता जी को साल 1972 में फिल्म परिचय के लिए उन्हें नेशनल अवॉर्ड दिया गया था। साल 1974 में फिल्म कोरा कागज के लिए उन्हें नेशनल अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था जिसके बाद साल 1990 में फिर फिल्म लेकिन के लिए उन्हें नेशनल अवॉर्ड दिया गया था। लता जी को 7 बार फिल्मफेयर अवॉर्ड भी मिले है। लता जी को साल 1959 में आज रे परदेसी के लिए फिल्मफेयर अवॉर्ड दिया गया था। फिर 1963 में उन्हें कहीं दीप जले कही दिल के लिए अवॉर्ड से नवाजा गया था। साल 1966 में तुम्ही मेरे मंदिर तुम्ही मेरी पूजा के लिए सम्मानित किया गया था। साल 1970 में आप मुझे अच्छे लगने लगे के लिए अवॉर्ड दिया गया। साल 1993 में लता जी को लाइफ टाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से नवाजा गया। साल 1994 में दीदी तेरा देवर दीवान के लिए फिल्मफेयर अवॉर्ड दिया गया। साल 2004 में उन्हें फिल्मफेयर स्पेशल अवॉर्ड से नवाजा गया। बता दें कि लता जी का नाम गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में भी शामिल है। दुनिया में सबसे ज्यादा गाना गाने के लिए उनका नाम शामिल किया गया था।
हजारे ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री को पहला पत्र लिखकर तीन फरवरी को आबकारी नीति का विरोध किया था, लेकिन इसका कोई जवाब नहीं मिला। पुणे| महाराष्ट्र के सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने शनिवार को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को एक ‘स्मरण पत्र’ लिखा है। इसमें हजारे ने कहा है कि वह सुपरमार्केट और सड़क किनारे की दुकानों में शराब बेचने संबंधी राज्य सरकार के फैसले के खिलाफ अनिश्चितकालीन अनशन करेंगे। हजारे ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री को पहला पत्र लिखकर तीन फरवरी को आबकारी नीति का विरोध किया था, लेकिन इसका कोई जवाब नहीं मिला। उन्होंने कहा कि इसके बाद मुख्यमंत्री को याद दिलाने के लिए उन्हें स्मरण पत्र भेजना पड़ा। महाराष्ट्र सरकार ने हाल में सुपरमार्केट और किराने की दुकानों में भी शराब बेचने की अनुमति देने का फैसला किया था। हजारे ने कहा, ‘‘इस फैसले के खिलाफ मैंने अनिश्चितकालीन अनशन करने का फैसला किया है। मैंने इस संदर्भ में मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री (अजित पवार) को पत्र भेजा था, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।
नोएडा से भाजपा के उम्मीदवार और मौजूदा विधायक पंकज सिंह के लिए प्रचार कर रहे नड्डा ने कहा, यह केवल भाजपा का चरित्र है और यह केवल हम ही हैं जो चुनाव के दौरान हमारे रिपोर्ट कार्ड के साथ लोगों के पास जाने की हिम्मत कर सकते हैं। कोई अन्य पार्टी ऐसा नहीं कर सकती। भारतीय जनता पार्टी राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने शनिवार को कहा कि किसी पार्टी द्वारा किया गया काम मतदाताओं के लिए यह तय करने का आधार होना चाहिए कि आगामी चुनाव में किसे वोट देना है, न कि भविष्य में पूरे किए जाने वाले वादों के आधार पर। नड्डा ने उत्तर प्रदेश के नोएडा में चुनाव प्रचार के दौरान दावा किया कि चुनाव से पहले अपने रिपोर्ट कार्ड के साथ जनता के बीच पहुंचने का साहस भाजपा ने दिखाया है। उन्होंने कहा कि कोई अन्य पार्टी ऐसा नहीं कर सकती क्योंकि ऐसे दलों ने सत्ता में रहते हुए केवल अपने लिए काम किया था। उन्होंने कहा, मतदाताओं के लिए यह तय करने का आधार क्या है कि किस पार्टी को वोट देना है? आप यह नहीं पूछें कि पार्टी भविष्य में क्या करने जा रही है। देखें कि उन्होंने अतीत में क्या किया है। सब लोग बड़ी-बड़ी बातें कर रहे हैं कि हम ये बनाएंगे, हम वो बनाएंगे, लेकिन ऐसा क्या आधार है जिससे मतदाता यह जानेंगे कि आप ये सब कर सकते हैं।
पुलिस ने कहा कि शाह आतंकवाद का महिमामंडन करने, फर्जी खबरें फैलाने और लोगों को भड़काने के तीन मामलों में वांछित है। श्रीनगर| जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले की एक स्थानीय अदालत ने आतंकवाद का महिमामंडन करने के आरोप में गिरफ्तार पत्रकार फहद शाह को शनिवार को दस दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया। पुलिस ने एक समाचार पोर्टल के संपादक शाह को आतंकवाद का महिमामंडन करने, फर्जी खबरें फैलाने और जम्मू-कश्मीर के लोगों को भड़काने के आरोप में शुक्रवार को गिरफ्तार किया था। आरोपी के वकील उमैर रोंगा ने कहा कि न्यायिक मजिस्ट्रेट पुलवामा की अदालत ने शाह को दस दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया। रोंगा ने कहा कि उन्होंने जमानत की अर्जी भी दाखिल की है क्योंकि उन्हें अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि शाह पर सही आरोप क्या है। उन्होंने कहा, “इसलिए, अदालत ने उनसे (पुलिस) सोमवार तक रिपोर्ट दाखिल करने को कहा है। उम्मीद है कि हमें सोमवार को रिपोर्ट मिल जाएगी और हमें पता चल जाएगा कि यह वास्तव में क्या है।’’ पुलिस ने कहा कि शाह आतंकवाद का महिमामंडन करने, फर्जी खबरें फैलाने और लोगों को भड़काने के तीन मामलों में वांछित है।
राष्ट्रपति शी चिनफिंग के बाद चीन की सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी के दूसरे नंबर के नेता ली ने पाकिस्तान के साथ बहु-आयामी व्यावहारिक सहयोग को मजबूत करने की चीन की इच्छा व्यक्त की। बीजिंग चीन के प्रधानमंत्री ली कियांग ने शनिवार को कहा कि पड़ोस की कूटनीति में चीन के लिए पाकिस्तान प्राथमिक स्थान रखता है। ली ने अपने पाकिस्तानी समकक्ष इमरान खान से मुलाकात की। इस दौरान खान ने उन्हें आश्वासन दिया कि उनकी सरकार चीनी नागरिकों और उनके देश में जारी परियोजनाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हरसंभव प्रयास करेगी। खान चीनी सरकार के निमंत्रण पर बीजिंग के दौरे पर हैं और शुक्रवार को बीजिंग शीतकालीन ओलंपिक के उद्घाटन समारोह में शामिल हुए थे। ली ने खान के साथ बैठक में कहा कि चीन पाकिस्तान से कृषि उत्पादों के आयात का विस्तार करने पर गंभीरता से विचार करेगा। खान ने चीन के साथ रणनीतिक साझेदारी का हवाला देते हुए कहा कि उनका देश चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारे (सीपीईसी) की परियोजना के लिए प्रतिबद्ध है और कई क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करना जारी रखेगा।
रविवार सुबह लता मंगेशकर ने दुनिया को अलविदा कह दिया। स्वर कोकिला बीते कई दिनों से बीमार चल रही थी। कोरोने संक्रमित होने के बाद लता मंगेशकर को अस्पताल में भर्ती किया गया था। लता दीदी की तबीयत में सुधार भी हो रहा था मगर शनिवार को दोबारा तबीयत खराब होने की वजह उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया था। 92 साल की उम्र में लता मंगेशकर का निधन हो गया है। लता मंगेशकर ने अपनी सुरीली आवाज से सभी को अपना दीवाना बनाया था। उन्हें संगीत विरासत में मिला था। भारत रत्न से सम्मानित लता मंगेशकर ने अपने करियर में कई भाषाओं में 30 हजार से ज्यादा गाने गाए हैं। लता मंगेशकर से 13 साल की उम्र में ही अपने करियर की शुरुआत कर दी थी। उन्होंने अपना पहला गाना मराठी फिल्म के लिए रिकॉर्ड किया था। लता मंगेशकर ने अपने करियर में मधुबाला से लेकर प्रियंका चोपड़ा सभी के लिए गाना गाया है। उन्होंने कई बॉलीवुड एक्ट्रेस के लिए अपनी आवाज दी है। लता मंगेशकर के पिता के निधन के बाद पूरे घर का भार उनके कंधों पर आ गया था। घर में बड़ी होने की वजह से परिवार को उन्हें संभालना था। लता मंगेशकर के पिता के दोस्त मास्टर विनायक ने उन्हें बड़ी मां फिल्म में रोल ऑफर किया, जिसके लिए वो मुंबई आ गई थीं। यहीं लता जी ने उस्ताद अमन अली खान से हिंदुस्तानी म्यूजिक सीखा। लता जी ने अपने करियर में कई सारे लिजेंड्री म्यूजिक डाटरेक्टर के संग काम किया है।
पाकिस्तानी मीडिया में वहाँ की हिन्दू सीनेटर कृष्णा कुमारी कोहली सुर्खियों में हैं। पाकिस्तानी मीडिया में इन्हें दलित हिन्दू सीनेटर बताया जा रहा है। कोहली पाकिस्तान की विपक्षी पाकिस्तान पीपल्स पार्टी की सीनेटर हैं। वह 2018 में पीपीपी के टिकट से पाकिस्तान के सिंध प्रांत में एक रिज़र्व सीट जीती थीं। शुक्रवार को पाकिस्तान की सीनेट के अध्यक्ष की कुर्सी पर कृष्णा कुमारी कोहली थीं और उन्हीं की अध्यक्षता में भारत प्रशासित कश्मीर को लेकर एक प्रस्ताव पास किया गया। भारत की संसद में भी कई बार होता है कि लोकसभा अध्यक्ष की ग़ैर-मौजूदगी में किसी सांसद को अध्यक्ष के आसन की ज़िम्मेदारी दी जाती है। शुक्रवार को पाकिस्तानी सीनेट में अध्यक्ष के आसन पर कोहली थीं और यह ख़बर पाकिस्तानी मीडिया में छाई हुई है।
गुवाहाटी हाईकोर्ट ने असम सरकार के उस फैसले को सही ठहराया है जिसके तहत प्रदेश के सभी मदरसों को आम स्कूलों में बदलने का ऑर्डर दिया गया था। प्रदेश की हेमतां बिस्वा सरमा सरकार की तरफ से ये फैसला असम रिपीलिंग एक्ट-2020 के तहत दिया था जिसे हाईकोर्ट ने सही ठहराया है। मुख्य न्यायाधीश सुधांशु धूलिया और न्यायमूर्ति सौमित्र सैकिया की पीठ ने कहा कि कि विधानसभा और राज्य सरकार द्वारा लाये गए बदलाव का जो फैसला किया गया है वो सिर्फ सरकारी मदरसों के लिए है न कि निजी मदरसों के लिए। गौरतलब है कि राज्य सरकार ने विधानसभा में असम रिपीलिंग एक्ट-2020 पास करते हुए इस कानून के आधार पर सरकारी सहायता प्राप्त मदरसों को विद्यालयों में बदलने का निर्णय लिया था। इस ऐक्ट के तहत मदरसा शिक्षा (प्रांतीयकरण) अधिनियम- 1995 और असम मदरसा शिक्षा (कर्मचारियों की सेवाओं का प्रांतीयकरण और मदरसा शैक्षिक संस्थानों का पुनर्गठन) अधिनियम- 2018 को खत्म कर दिया गया था। 2021 में 13 व्यक्तियों की ओर से दायर याचिका के माध्यम से राज्य सरकार के उस निर्णय को चुनौती दी गई थी, जिसके तहत सरकार द्वारा वित्त पोषित मदरसों को सामान्य स्कूलों में बदला जाना है। कोर्ट ने पिछले साल 13 लोगों के जरिये दाखिल असम रिपीलिंग एक्ट-2020 को चुनौती देने वाली याचिका को खारिज करते हुए अपने आदेश में कहा कि पूरी तरह सरकार द्वारा वित्त पोषित मदरसे मजहबी तालिम नहीं दे सकते। ये संविधान के अनुच्छेद 28-1 के खिलाफ है। मदरसों के टीचरों की नौकरी नहीं जाएगी। अगर जरूरी हुआ तो उन्हें दूसरे विषय पढ़ाने के लिए ट्रेंड किया जाएगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जम्मू एवं कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से फोन पर बात की और शनिवार सुबह आए भूकंप के बाद के हालात का जायजा लिया। जम्मू एवं कश्मीर में शनिवार को सुबह नौ बजकर 45 मिनट पर 5.7 तीव्रता का भूंकप आया। भूकंप के कारण किसी तरह के जान-माल के नुकसान की फिलहाल कोई जानकारी नहीं है। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक प्रधानमंत्री ने सिन्हा से बातचीत कर केंद्र-शासित प्रदेश के लोगों के कुशलक्षेम की जानकारी ली। अधिकारियों के मुताबिक भूकंप का केंद्र अफगानिस्तान-ताजिकिस्तान सीमा पर था। जम्मू एवं कश्मीर में भूकंप के तेज झटके महसूस किये गए और लोग अपने-अपने घरों से बाहर निकल आए।
उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव के चलते राजनीतिक दलों ने मतदाताओं को लुभाने की कोशिश कर रहे हैं। इसी क्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने टनकपुर में शनिवार को घर-घर जाकर चुनाव प्रचार किया। उन्होंने कहा कि टनकपुर से हर शहर के लिए ट्रेन चलाई जा रही है। हमने मांग की है कि आने वाले समय में टनकपुर से अयोध्या के लिए भी ट्रेन चलाई जाए, जिससे यहां से सीधे अयोध्या के दर्शन के लिए जाया जा सके। पिछले विधानसभा चुनाव में भाजपा को मोदी फैक्टर का बड़ा लाभ मिला था और इस बार भी माना जा रहा है कि प्रधानमंत्री के नाम से ही भाजपा का बेड़ा पार होगा। पार्टी का मानना है कि साल 2017 में भाजपा की ऐतिहासिक जीत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रभाव महत्वपूर्ण था। तब उसने एकतरफा लड़ाई में राज्य की कुल 70 विधानसभा सीट में से 57 पर जीत हासिल की थी और प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस को सिर्फ 11 सीट ही मिल पाई थीं। उत्तराखंड में कांग्रेस और भाजपा के बीच कांटे की टक्कर की संभावना जताई जा रही है। दरअसल, साल 2000 में उत्तराखंड की स्थापना के बाद कोई भी पार्टी यहां पर लगातार दूसरी बार चुनाव नहीं जीत पाई है। हालांकि पुष्कर सिंह धामी का दावा है कि इस बार भाजपा इस ट्रेंड को समाप्त करेगी। आपको बता दें कि उत्तराखंड में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया समाप्त हो चुकी है और 14 फरवरी को मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। जबकि 10 मार्च को चुनाव परिणाम घोषित होंगे।
बहुजन समाज पार्टी (BSP) ने 54 उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है. इस सूची में छठे चरण में जिन सीटों पर चुनाव होने हैं, वहां से उम्मीदवारों के नामों का ऐलान किया गया है. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ मायावती ने ख्वाजा शमसुद्दीन को उतारा है. मुस्लिम उम्मीदवार गोरखपुर सदर से सीएम योगी के खिलाफ लडेंगे. यानी इस सीट से कांटे की टक्कर होने वाली है | इन सीटों से इन उम्मीदावरों को उतारा गया गोरखपुर जिले की कैम्पियरगंज विधानसभा सीट से चंद्र प्रकाश निषाद, पिपराइच से दीपक अग्रवाल, गोरखपुर शहर से ख्वाजा शमसुद्दीन, गोरखपुर देहात से दारा सिंह निषाद, सहजनवां से श्रीमती अन्जू सिंह, खजनी से विद्यासागर, चौरी-चौरा से वीरेंद्र पाण्डेय, बांसगांव से राम नयन आजाद और चिल्लूपार से राजेंद्र सिंह को मैदान में उतारा गया है. वहीं अम्बेडकर नगर जिले की कटेहरी सीट से प्रतीक पाण्डेय, टाण्डा से श्रीमती शबाना खातून, आलापुर से श्रीमती केशरा देवी गौतम, जलालपुर से राजेश कुमार सिंह और अकबरपुर से चंद्र प्रकाश वर्मा को टिकट दिया गया है। 3 मार्च को इन सीटों लिए होगा चुनाव बता दें कि गोरखपुर, देवरिया और बलिया समेत जिन जिलों की 54 विधानसभा सीटों के लिए बसपा ने उम्मीदवारों के नामों का एलान किया है. वहां 3 मार्च को मतदान होगा. चुनाव के नतीजे 10 मार्च को मतगणना के बाद आएंग। उत्तर प्रदेश में चढ़ा सियासी पारा उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी पारा चढ़ा हुआ है. प्रदेश में जनता इस बार सत्ता की चाबी किसे सौंपने का मन बना रही है, इसको लेकर Zee News ने पूरे प्रदेश में 20 जनवरी से 2 फरवरी के बीच फाइनल ओपिनियन पोल किया. इस पोल में यूपी में 3 लाख लोगों से बात करके उनकी राय ली गई. पश्चिमी उत्तर प्रदेश में किसी पार्टी का पलड़ा भारी पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सहारनपुर, शामली, मुज़फ़्फ़रनगर, बिजनौर, मुरादाबाद, संभल, रामपुर, अमरोहा, मेरठ, बाग़पत, गाजियाबाद, हापुड़, गौतम बुद्ध नगर और बुलंदशहर जिले आते हैं. वहीं, अगर इस क्षेत्र में अहम सीटों की बात करें यहां कैराना, मुजफ्फरनगर, खतौली, नगीना, नजीबाबाद, मुरादाबाद, चंदौसी, देवबंद, सहारनपुर, हसनपुर, मेरठ, मुरादनगर, लोनी, गाजियाबाद, मोदीनगर, नोएडा, दादरी, जेवर, धौलाना, हापुड़ शामिल हैं |जहां पहले चरण और दूसरे चरण के लिए 10 फरवरी और 14 फरवरी को मतदान होना है।
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन के चीफ असदुद्दीन ओवैसी पर जो हमला हापुड के छिजारसी टोल पर हुआ, अगर हमलावरों को मौका ... मिलता तो यह हमला सितंबर महीने में संभल में ही हो जाता और वह ज्यादा घातक और जानलेवा साबित होता। पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी सचिन शर्मा और उसके साथी ने शुभम ने कई अहम खुलासे किए हैं। फिलहाल जेल भेजे जा चुके दोनों आरोपियों को अब पुलिस कस्टडी रिमांड पर लेने की तैयारी में है। गुरुवार हापुड़ के छिजारसी टोल पर असदुद्दीन ओवैसी पर जिन दो हथियारों से गोली चली वह मेरठ के किठौर थाना क्षेत्र के राधना गांव से ही खरीदे गए थे। मुख्य आरोपी सचिन शर्मा के पास से 9 एमएम की पिस्टल और 3 खोखे पुलिस को बरामद हुए तो वहीं शुभम के पास से एक 32 बोर का रिवाल्वर और एक खोखा बरामद हुआ। दोनों ही आरोपियों से शुरुआती पूछताछ में इतना तो साफ हो गया कि इस हमले में किसी अन्य साजिशकर्ता की फिलहाल भूमिका नहीं है. मुख्य आरोपी सचिन शर्मा ने ही इस पूरी घटना की प्लानिंग रची और अपने दोस्त शुभम को इसमें साथ लिया।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने लोक सभा में प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत गरीबों के गृह निर्माण की लड़ाई लड़ी। सुरेश कश्यप ने लोक सभा अध्यक्ष को संबोधित करते हुए कहा की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2015 में प्रधानमंत्री आवास योजना को शुरुवात की थी जिसका लाखों लोगों को बड़ा लाभ पहुंचा है और इस बार के आम बजट में भी प्रधानमंत्री मोदी ने देश में गरीबों के लिए 80 लाख घर बनाने का लक्ष्य तय किया है, इस कार्य के लिया 48000 करोड़ की राशि का प्रावधान भी कर दिया गया है। उन्होंने कहा को इस योजना के अंतर्गत जो राशि गृह निर्माण के लिए दी जाती है वो बहुत कम है , विशेषकर हिमाचल प्रदेश एक पहाड़ी राज्य है और यहां एक घर बनाने को 130000 रु की राशि 90:10 अनुपात में आवंटित की जाती है। यह राशि इस काम के लिए पर्याप्त नहीं ही, हिमाचल में भवन निर्माण सामग्री पंजाब और हरियाणा से लाई जाती है, एक रेत की ट्राली 1500 से 2000 रु तक की पड़ती है वहीं एक सीमेंट की बोरी 400 रु की पड़ती है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने लोक सभा में प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत गरीबों के गृह निर्माण की लड़ाई लड़ी। सुरेश कश्यप ने लोक सभा अध्यक्ष को संबोधित करते हुए कहा की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2015 में प्रधानमंत्री आवास योजना को शुरुवात की थी जिसका लाखों लोगों को बड़ा लाभ पहुंचा है और इस बार के आम बजट में भी प्रधानमंत्री मोदी ने देश में गरीबों के लिए 80 लाख घर बनाने का लक्ष्य तय किया है, इस कार्य के लिया 48000 करोड़ की राशि का प्रावधान भी कर दिया गया है। उन्होंने कहा को इस योजना के अंतर्गत जो राशि गृह निर्माण के लिए दी जाती है वो बहुत कम है , विशेषकर हिमाचल प्रदेश एक पहाड़ी राज्य है और यहां एक घर बनाने को 130000 रु की राशि 90:10 अनुपात में आवंटित की जाती है। यह राशि इस काम के लिए पर्याप्त नहीं ही, हिमाचल में भवन निर्माण सामग्री पंजाब और हरियाणा से लाई जाती है, एक रेत की ट्राली 1500 से 2000 रु तक की पड़ती है वहीं एक सीमेंट की बोरी 400 रु की पड़ती है। साथ ही मैं बताना चाहूंगा कि हिमाचल की कठिन भागौलिक परिस्थितियों के कारण साइट डेवलपमेंट हेतु भी हिमाचल में बड़ा खर्च आता है।
राहुल गांधी ने भाजपा और आरएसएस पर अपनी विचारधारा देश पर लादने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि देश ये एक गुलदस्ते के समान हैं। इसमें अलग-अलग भाषा संस्कृति और विचारधारा शामिल हैं। एक राज्य की विचारधारा, इतिहास और संस्कृति दूसरे राज्य से भिन्न है। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी अक्सर मोदी सरकार की आलोचना करते नजर आते हैं। बीते दिन संसद में धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान भी राहुल गांधी ने मोदी सरकार को खूब खरी-खोटी सुनाई थी। अब रायपुर पहुंच कर राहुल गांधी ने बीजेपी के साथ-साथ आरएसएस को भी अपने निशाने पर ले लिया। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में आयोजित कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे थे। जहां उन्होंने अपने संबधोन के दौरान मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से कहा कि बस्तर में काफी चीजें हैं जो हमें देखने और चखने को मिली। उसे सिर्फ छत्तीसगढ़ के लोगों को और देश के लोगों को नहीं बल्कि दुनिया को चखाईए। छत्तीसगढ़ का जादू पूरी दुनिया को दिखाएं। राहुल गांधी ने भाजपा और आरएसएस पर अपनी विचारधारा देश पर लादने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि देश ये एक गुलदस्ते के समान हैं। इसमें अलग-अलग भाषा संस्कृति और विचारधारा शामिल हैं। एक राज्य की विचारधारा, इतिहास और संस्कृति दूसरे राज्य से भिन्न है। लेकिन यदि हम कहें कि पूरे देश में केवल एक ही विचारधारा होगी तब यह गलत होगा। इससे देश का नुकसान होगा।’’ उन्होंने कहा, ‘‘भाजपा और आरएसएस चाहती है कि देश में, सभी राज्यों पर, भाषाओं पर और इतिहास पर केवल विचारधारा का ही राज हो, यह कभी नहीं हो सकता है। राहुल गांधी ने कहा कि हिंदुस्तान के अंदर इन्होंने नफरत फैला दी है। एक राज्य को दूसरे राज्य से लड़ाते हैं। एक धर्म को दूसरे धर्म से लड़ाते हैं। हिंदुस्तान के बाहर जो शक्तियां हैं वह हमारी ओर देखती हैं और कहती हैं कि हिंदुस्तान कमजोर हो रहा है। चीन की सेना लद्दाख में इसलिए घुस पाई क्योंकि भाजपा, हमारे प्रधानमंत्री ने उनके घुसने के बाद देश को कहा कि कोई अंदर नहीं आया। हमारा काम, देशभक्ति का काम देश को मजबूत करने का होता है। गरीबों को मजबूत करने का होता है। देश को एक साथ जोड़ने का होता है, नफरत फैलाने का नहीं, कमजोर करने का नहीं। इसलिए यह विचारधारा की लड़ाई है। यह एक पार्टी और दूसरी पार्टी की लड़ाई नहीं है।
कांग्रेस ने प्रवर्तन निदेशालय द्वारा पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के रिश्तेदार को गिरफ्तार किए जाने के बाद शुक्रवार को आरोप लगाया कि केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने किसान आंदोलन का बदला लेने के लिए पंजाब पर हमला किया है। नयी दिल्ली। कांग्रेस ने प्रवर्तन निदेशालय द्वारा पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के रिश्तेदार को गिरफ्तार किए जाने के बाद शुक्रवार को आरोप लगाया कि केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने किसान आंदोलन का बदला लेने के लिए पंजाब पर हमला किया है। पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने यह दावा भी किया कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की चोर दरवाज़े से मदद करने के लिए यह कदम उठाया गया है। उन्होंने ट्वीट किया, पंजाब चुनाव से 15 दिन पहले मोदी सरकार की “राजनीतिक नौटंकी” फिर शुरू ! भाजपा का “इलेक्शन डिपार्टमेंट” - ईडी मैदान में उतरा। कांग्रेस नेता ने दावा किया, क्रॉनोलॉजी समझें - पंजाब के लोग अब किसान आंदोलन के पक्ष में खड़े होने की क़ीमत चुका रहे हैं…मोदी जी हार की हताशा में फ़र्ज़ी छापे-गिरफ़्तारी करवा रहे है। उन्होंने आरोप लगाया, यह हमला मुख्यमंत्री चन्नी पर नहीं, पंजाब पर है, किसान आंदोलन का समर्थन करने की सजा है, यह बदला है कल किसानों द्वारा भाजपा को चुनावों में “दंड” दिए जाने के आह्वान का। उन्होंने कहा, ये हमला है ताकि “छोटे मोदी” - केजरीवाल की पार्टी को “चोर दरवाज़े” से मदद की जा सके। केजरीवाल ने कृषि के काले क़ानून अधिसूचित किये थे, अब अहसान लौटाया जा रहा है। गौरतलब है कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने चन्नी के रिश्तेदार भूपिंदर सिंह हनी को सीमावर्ती राज्य में कथित अवैध रेत खनन से जुड़े धन शोधन के एक मामले में गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हनी को धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत बृहस्पतिवार को देर रात गिरफ्तार किया गया। हनी, चन्नी की पत्नी की बहन के बेटे हैं। एजेंसी ने 18 जनवरी को उनके परिसरों पर छापा मारा था और करीब आठ करोड़ रुपये नकद जब्त करने का दावा किया था। पंजाब की सभी 117 विधानसभा सीटों पर 20 फरवरी को मतदान होना है
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनावों के चलते सियासी घमासान तेज़ हो चुका है। इस बीच समाजवादी पार्टी (सपा) के संरक्षक मुलायम सिंह यादव की छोटी बहू अपर्णा यादव ने बाराबंकी में एक जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान सपा समर्थकों ने अखिलेश यादव के नारे लगाए जिसको लेकर अपर्णा यादव भड़क गईं। उन्होंने सपा पर हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा सरकार में सपा की गुंडे जान की भीख मांग रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक भाजपा नेत्री अपर्णा यादव ने कहा कि मैं यादव हूं, मैं शेरनी हूं... सपाइयों से नहीं डरती। भले ही जंगल का राजा शेर हो लेकिन शिकार शेरनी ही करती है। आपको बता दें कि भाजपा के एक प्रत्याशी के लिए जब अपर्णा सदर विधानसभा क्षेत्र के तहत मौथरी गांव एक जनसभा को संबोधित करने जा रही थी, तभी उन्हें विरोध का सामना करना पड़ा।
नई दिल्ली: एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी की कार पर फायरिंग मामले में बड़ा खुलासा हुआ है और गोली चलाने वाले आरोपियों ने पुलिस पूछताछ में बड़ा खुलासा किया है. पुलिस सूत्रों के मुताबिक दोनों आरोपी पिछले कई दिनों से ओवैसी का पीछा कर रहे थे और हमले को अंजाम देने के लिए पूरी प्लानिंग की थ। ओवैसी के हर स्पीच को फॉलो करते थे आरोपी पुलिस सूत्रों के मुताबिक, आरोपी सचिन असदुद्दीन ओवैसी के लगभग हर स्पीच को फॉलो करता था. दोनों आरोपी पिछले कई दिनों से ओवैसी का पीछा कर रहे थे और उनकी सभाओं में मौजूद रहते थे। मेरठ की सभा में भी मौजूद थे आरोपी पुलिस अधिकारियों के अनुसार, दोनों आरोपी असदुद्दीन ओवैसी की मेरठ की सभा में भी मौजूद थे. अब मेरठ में सभा स्थल के आस-पास के सीसीटीवी चेक किए जाएंगे। आरोपियों ने हमले के लिए की थी प्लानिंग पुलिस सूत्रों के मुताबिक, वारदात को अंजाम देने के लिए पूरी प्लानिंग की गई थी और यह अचानक की गई वारदात नहीं है। अधिकारियों ने बताया कि आरोपी ओवैसी की सभा में जाकर शायद हमले की ताक में रहते थे, लेकिन अब तक मौका नहीं मिल पाया था। कुछ दिन पहले खरीदा था हथियार सचिन ने कुछ दिन पहले ही हथियार खरीदा था और अब पुलिस हथियार बेचने वाले की गिरफ्तारी की कोशिश में है। दोनों आरोपियों से पूछताछ करने वाले अधिकारी ने बताया की दोनों वैचारिक तौर पर बेहद कट्टर हैं, सनकी भी कह सकते हैं। सूत्रों के अनुसार, आरोपियों का प्लान ये भी था कि फायरिंग करने के बाद भीड़ से बचने के लिए सीधा पुलिस स्टेशन चले जाएंगे। ओवैसी ने सुरक्षा लेने से किया इनकार हमले के बाद भी असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि साल 1994 में पहली बार विधान सभा का चुनाव जीतकर एमएलए बना था, लेकिन अब तक मैंने किसी तरह की कोई सुरक्षा नहीं ली है। मैं भविष्य में भी कभी सुरक्षा नहीं लूंगा। उन्होंने आगे कहा कि मेरी जान की हिफाजत करना सरकार की जिम्मेदारी है। जब मेरा वक्त आएगा तब चला जाऊंगा. मैं चुनाव आयोग से कहना चाहूंगा कि इस मामले के पीछे जरूर कोई मास्टरमाइंड है। कुछ दिन पहले प्रयागराज में धर्म संसद में मेरी जान लेने की बात कही गई थी, जो ऑन रिकार्ड है, उसे भी देखा जाना चाहिए |
मंत्रालय ने कहा है कि इस वर्ष की परीक्षा 6-8 सप्ताह के लिए टाल दी गई है. नीट पीजी 2022 परीक्षा 12 मार्च को आयोजित की जानी थी. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने फैसला लिया है कि NEET PG 2021 Counselling के चलते NEET PG 2022 परीक्षा को स्थगित किया गया है. मंत्रालय ने कहा है कि कि इस वर्ष की परीक्षा 6-8 सप्ताह आगे के लिए टाल दी गई है. नीट पीजी 2022 परीक्षा 12 मार्च को आयोजित की जानी थी परीक्षा स्थगित करने को लेकर छात्र लंबे समय से मांग कर रहे थे. छात्रों का कहना है कि पिछले वर्ष यानी 2021 की नीट पीजी काउंसलिंग की डेट्स इस वर्ष की पर...इस वर्ष की परीक्षा की डेट के साथ क्लैश हो रही है. ऐसे में आगामी परीक्षा को स्थगित किया जाना चाहिए छात्रों ने सोशल मीडिया पर इसकी मांग उठाई और स्वास्थ्य मंत्रालय से लगातार गुहार लगाई कि इस मामले में जल्द कोई निर्णय लें. इसके लिए छात्रों ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका भी दायर की जिसपर विचार के लिए कोर्ट ने स्वीकृति भी दे दी।
चरणजीत सिंह चन्नी और नवजोत सिंह सिद्धू दो प्रमुख दावेदारों में से एक हैं. कांग्रेस उम्मीदवारों के चयन के लिए टेली पोल प्रक्रिया अपना रही ह चंडीगढ़: पंजाब विधानसभा चुनाव नजदीक है. पार्टियों ने उम्मीदवारों की घोषणा तेज कर दी है. कांग्रेस ने भी कई विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों के नामों का ऐलान कर दिया है. सूत्रों के मुताबिक, बदलते चुनावी समीकरण के बीच कांग्रेस पार्टी अब अपने CM उम्मीदवार की घोषणा 6 फरवरी को करेगी। चरणजीत सिंह चन्नी और नवजोत सिंह सिद्धू दो प्रमुख दावेदारों में से एक हैं. कांग्रेस उम्मीदवारों के चयन के लिए टेली पोल प्रक्रिया (tele-poll) अपना रही है. इसमें जनता से उनकी पसंद के सीएम चेहरे को लेकर फीडबैक लिया जा रहा है। पार्टी ने उम्मीदवारों के चयन के लिए कार्यकर्ताओं से भी राय मांगी है। गौरतलब है कि राहुल गांधी ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से कहा था कि हम जल्द से जल्द मुख्यमंत्री उम्मीदवार की आपकी मांग को पूरा करेंगे। आम तौर पर, हम मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित नहीं करते हैं, लेकिन अगर कांग्रेस कार्यकर्ता चाहते हैं, तो हम एक चेहरे का भी चयन करेंगे. लेकिन इसके लिए हम कांग्रेस कार्यकर्ताओं से परामर्श करेंगे वे फैसला करेंगे। बता दें कि आम आदमी पार्टी ने तो पंजाब में अपने सीएम चेहरे के उम्मीदवार की भी घोषणा भी कर दी है.आम आदमी पार्टी ने भगवंत मान को अपना मुख्यमंत्री पद का चेहरा बनाया है. अरविंद केजरीवाल ने इसका ऐलान किया. बता दें कि पंजाब की सभी 117 सीटों पर अब 20 फरवरी को वोट डाले जाएंगे मतगणना 10 मार्च को होगी ।
कांग्रेस की सातवीं सूची के मुताबिक, कौशांबी जिले की सिराथू विधानसभा सीट से सीमा देवी को उम्मीदवार बनाया गया है। इस सीट पर उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य भाजपा के उम्मीदवार है। लखनऊ : उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने बुधवार को अपने उम्मीदवारों की सातवीं लिस्ट जारी की. इस सूची में 27 उम्मीदवारों को टिकट दिए गए हैं, जिसमें 11 महिला उम्मीदवार भी शामिल हैं | कांग्रेस उत्तर प्रदेश में अब तक कुल 346 उम्मीदवार घोषित कर चुकी है, जिनमें 40 फीसदी टिकट महिलाओं को दिया गया है. इस बार चार सीटों में उम्मीदवार का नाम बदला गया है. इसमें कुरसी, बाराबंकी, भींगा और पिपराईच विधानसभा सीट शामिल हैं. कुरसी से जमील अहमद की जगह उर्मिला पटेल को टिकट मिला है. बाराबंकी से गौरी यादव की जगह रूही अरशद को टिकट दिया गया है। भींगा से वंदना शर्मा की जगह गजाला चौधरी को टिकट मिला है, जबकि पिपराईच से मेनका पांडेय की जगह सुमन चौहान को टिकट दिया गया है।
आम आदमी पार्टी के नेता और दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने गोवा की जनता से वोट देने की अपील करते हुए वहां के लोगों को फ्री बिजली और फ्री पानी का वादा किया | हर साल दो लाख का फायदा : केजरीवाल आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के सीएम केजरीवाल ने गोवा की जनता को संबोधित करते हुए कहा कि उनकी पार्टी अगर इस बार गोवा की सत्ता में आएगी तो पांच साल में सभी को कम से कम दस लाख का फायदा मुहैया कराया जाएगा. पार्टी मत छोड़िये लेकिन वोट झाड़ू को दीजिए : केजरीवाल अरविंद केजरीवाल ने दूसरे दल के समर्थकों और कार्यकर्ताओं से दिल्ली की तर्ज पर उनकी पार्टी को एक मौका देने की अपील की है. उन्होंने बीजेपी और कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा, 'मैं आपसे पार्टी छोड़ने के लिए नहीं कह रहा हूं. आप जहां है वहीं रहिए बस वोट झाड़ू को दीजिए।
उत्तर प्रदेश में होने वाले विधान सभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को अपना रिपोर्ट कार्ड पेश किया और अपनी सरकार की 5 साल की उपलब्धियां गिना। लखनऊ: उत्तर प्रदेश में होने वाले विधान सभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथने गुरुवार को अपना रिपोर्ट कार्ड पेश किया और अपनी सरकार की 5 साल की उपलब्धियां गिनाई. इस दौरान बीजेपी ने यूपी चुनाव के लिए पार्टी का थीम सॉन्ग 'यूपी में योगी...' रिलीज किया और यूपी सरकार के 5 साल के कामकाज को प्रस्तुत करती एक फिल्म भी दिखा। 70 साल में जो नहीं हुआ वो कर दिखाया: सीएम योगी सीएम योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए बताया, 'बीते 5 साल में भाजपा सरकार ने क्या किया है, ये बताना मेरा परम दायित्व है.' उन्होंने कहा, 'बीते 5 साल में यूपी ने कुछ मील के पत्थर भी गढ़े हैं. यूपी की अर्थव्यवस्था सातवें स्थान पर थी और 70 सालों में जो काम नहीं हुआ, उसे हमने 5 साल में 2 नंबर पर लाने में सफलता प्राप्त की. यूपी की प्रतिव्यक्ति आय 45 हजार वार्षिक थी, ये बढ़कर अब 94 हजार हो गई है. 2015-18 में वार्षिक बजट 2 लाख करोड़ था, ये अब 6 लाख करोड़ हो गया है.' कोरोना काल के काम को दुनिया ने सराहा : यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कोरोना काल में जीवन और जीविका को बचाने के लिए हमने जो किया, उसे दुनिया ने सराहा. उन्होंने कहा,'हमारे यहां के छात्र प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने राजस्थान के कोटा गए थे, हमने उन्हें लॉकडाउन के दौरान उन्हें सुरक्षित उनके घर तक पहुंचाया. यूपी के 40 लाख प्रवासी श्रमिकों को सफलतापूर्वक उनके घर तक पहुंचाने और खाने-पीने की व्यवस्था की | यूपी में सात चरणों में होगा विधान सभा चुनाव बता दें कि उत्तर प्रदेश में इस बार 403 विधान सभा सीटों पर सात चरणों में चुनाव होगा और मतगणना 10 मार्च को होगी. यूपी में विधान सभा चुनाव की शुरुआत 10 फरवरी को राज्य के पश्चिमी हिस्से के 11 जिलों की 58 सीटों पर मतदान के साथ होगी. इसके बाद 14 फरवरी को दूसरे चरण में 55 सीटों पर, 20 फरवरी को तीसरे चरण में 59 सीटों पर, 23 फरवरी को चौथे चरण में 60 सीटों पर, 27 फरवरी को पांचवें चरण में 60 सीटों पर, तीन मार्च को छठे चरण में 57 सीटों पर और सात मार्च को सातवें तथा अंतिम चरण में 54 सीटों पर मतदान होगा |
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के रण में लड़की हूं लड़ सकती हूं थीम के साथ उतरीं प्रियंका गांधी महिलाओं के साथ बातचीत कर रही हैं. इस दौरान प्रियंका हाउस वाइफ, स्कूली, कॉलेज जाने वाली छात्रों को किस तरह की परेशानी आ रही है और उनके लिए क्या बेहतर होना चाहिए यह जानने की कोशिश कर रही हैं प्रियंका गांधी ने नोएडा में महिलाओं के साथ बातचीत के दौरान कहा कि सरकार की नीतियां सिर्फ 4-5 लोगों के लिए होती हैं. उनके पास MSMEs, छोटे व्यवसायों का का समर्थन करने के लिए कोई नीति नहीं है. मुनाफ़ा कुछ मुट्ठी भर लोगों को मिलता है. वे बंदरगाह, हवाई अड्डे, एयर इंडिया खरीद रहे प्रियंका गांधी के साथ बातचीत करते हुए महिलाओं ने कहा कि जो बदलाव की बयार उन्होंने लाई है उससे वह बेहद खुश हैं. यह लड़का और लड़की में एकरूपता लाने के बड़ा कदम है | महिलाओं को नकारा जाता है: इस दौरान प्रियंका गांधी ने कहा, सभी राजनीतिक पार्टियां अपना वोट बैंक पहचानती हैं. जाति के आधार पर तो वोट बैंक बचाए जाते हैं, ... लेकिन प्रदेश में जो 50 फीसदी महिला वोटर्स हैं उन्हें हमेशा से ही नकारा जाता रहा है. उन्होंने कहा कि यह सब सिर्फ इसलिए होता है क्योंकि महिलाएं खुद अपनी आवाज नहीं उठाती हैं. आज महिलाओं को एक मुट्ठी की तरह इकट्ठा होने की जरूरत है ताकि सिर्फ सरकार ही नहीं बल्कि दुनिया उन्हें सुन सके
हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में करीब एक महीने बाद रौनक लौटेगी। ग्रीष्मकालीन अवकाश स्कूलों में तीन फरवरी से नौवीं से 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों की नियमित कक्षाएं लगेंगी। हर स्कूल में विद्यार्थियों की संख्या अनुसार माइक्रो प्लान के आधार पर पढ़ाई करवाने के सरकार ने निर्देश दिए हैं। स्कूल में विद्यार्थियों को उचित शारीरिक दूरी रखते हुए बैठाने के लिए सिटिंग प्लान तैयार किए गए हैं। स्कूल के कमरे की क्षमता अनुसार 50 फीसदी विद्यार्थियों को ही एक कक्षा में बैठाया जाएगा। शेष विद्यार्थियों की क्लास दूसरे कमरे में लगाई जाएगी। प्रार्थना सभा, खेलकूद सहित एकत्र होने वाली अन्य गतिविधियों पर रोक रहेगी। लंच ब्रेक और आने-जाने का समय कक्षावार अलग-अलग होगा। कक्षाओं में एक बेंच में एक ही विद्यार्थी को बैठाया जाएगा। शिक्षकों और विद्यार्थियों के लिए फेस मास्क पहनना अनिवार्य किया गया है। थर्मल स्क्रीनिंग के बाद ही स्कूल परिसरों में प्रवेश दिया जाएगा। तीन फरवरी से स्कूलों में नियमित कक्षाएं लगाने के लिए आज सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएंगी।
हिमाचल प्रदेश समिति अनुबंध कर्मचारी संघ ने पाॅलिसी ना बनाए जाने काे लेकर अब सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। बुधवार को एनएचएम कर्मचारियों ने 1 दिन की सांकेतिक पेन डाउन स्ट्राइक रखी। इस दौरान आईजीएमसी में किसी भी मरीज की जांच नहीं की गई। आईजीएमसी में प्रतिदिन 60 से 70 मरीजों की टेस्ट किए जाते हैं जो एनएचएम के कर्मचारी हीकरते हैं। इसमें टीवी का टेस्ट, बलगम टेस्ट व अन्य टेस्ट शामिल है, लेकिन बुधवार को ऑफिस के बाहर असुविधा के लिए खेद है का पोस्टर लगा कर किसी भी मरीज की जांच नही की गई। वंही कर्मचारियों का कहना है कि कल गुरुवार से वह 2 घंटे की पेन डाउन हड़ताल पर रहेंगे और 7 तारीख तक यह आंदोलन जारी रहेगा। तब भी यदि सरकार उनकी मांग नहीं मानती है तो कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। संघ की सलाहकार संगीता चंदेल और सुलोचना ने कहा कि हड़ताल काे लेकर सरकर को पांच जनवरी को अल्टीमेटम दे दिया था। सभी जिला के एनएचएम कर्मचारियों ने सीएमओ के माध्यम से भी सचिव स्वास्थ्य मिशन निदेशक, निदेशक स्वास्थ्य सहित सभी अधिकारियाें काे ज्ञापन भेजा था। उन्हाेंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग के तत्वावधान में राज्य स्वास्थ्य समिति (एनएचएम) के तहत 1996 से कुष्ठ रोग कार्यक्रम से शुरुआत हुई और सन 1998 से क्षय रोग कार्यक्रम के तहत कर्मचारियों की नियुक्तियां हुई और अब तक प्रदेश में विभिन कार्यक्रमों के तहत विभिन्न पदाें पर कर्मचारी नियुक्त हैं, जिनको अपनी सेवाएं देते हुए लगभग 23 वर्ष हो गए हैं। इनमें से कई कर्मचारी सेवानिवृत भी हो चुके हैं व सेवाकाल के दौरान 4 कर्मचारियों की मृत्यु भी हो चुकी है, जो कर्मचारी सेवानिवृत हुए इन कर्मचारियों को कोई ग्रेज्यूटी का लाभ भी नहीं दिया गया। सरकार 23 वर्षों से कोई भी स्थाई नीति नहीं बना पाई है। ऐसे में अब कर्मचारियाें के पास काेई रास्ता नहीं बचा है। उनका कहना था कि अब अगर उनकी माँगे नही मानी तो कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जायेंगे।
जिला प्रशासन द्वारा अनचाहे बच्चों के संरक्षण के लिए एक प्रयास किया जा रहा है। इस प्रयास के तहत जिला के अस्पतालों में इन बच्चों के संरक्षण के लिए अलग से एक कमरा आरक्षित रहेगा। डीसी सिरमौर आरके गौतम ने बताया कि कई बार किसी कारणवश नवजात बच्चे को जन्म देने वाली माताएं बच्चे को अपने साथ नहीं रखना चाहती और बच्चे को असुरक्षित स्थानों पर छोड़ देती हैं, जहां बच्चे की जान को खतरा होता है इसलिए प्रशासन द्वारा एक मुहिम चलाई जा रही है। जिसके तहत अस्पताल में एक अनचाहे बच्चे के संरक्षण के लिए कमरा आरक्षित किया जाएगा, जहां इस तरह के अनचाहे बच्चों को संरक्षण मिलेगा। उन्होंने बताया कि इन शिशु पालन गृह में बच्चे को छोड़ने वाली माता से किसी भी प्रकार की कोई पूछताछ नहीं की जाएगी। डीसी ने बताया कि जिला के दो अस्पतालों में यह सुविधा पहले से ही चलाई जा रही है। जिसमें सिविल अस्पताल कोट साहिब और सिविल अस्पताल दादाहु शामिल है। इसके अलावा जिला के आठ अन्य अस्पतालों में भी यह सुविधा उपलब्ध करवाई जाएगी और इसके लिए प्रशासन प्रयासरत है। इन आठ अस्पतालों में से मुख्य रुप से सिविल अस्पताल राजगढ़, शिलाई, संगड़ाह आदि शामिल है, जहां पर यह सुविधा उपलब्ध करवाई जाएगी ताकि अनचाहे बच्चों को संरक्षण मिल सके।
WhatsApp अब एक ऐसे अपडेट पर काम कर रहा है जिसके आने के बाद आप किसी मैसेज को दो दिन बाद भी डिलीट कर सकेंगे। रिपोर्ट के मुताबिक WhatsApp ‘Delete for Everyone' फीचर की टाइमलाइन को दो दिन 12 घंटे तक बढ़ाने पर काम कर रहा है। फिलहाल डिलीट फॉर एवरीवन एक घंटे, आठ मिनट और 16 सेकेंड के लिए है। इसका फायदा यह होगा कि लोग लंबे समय बाद भी गलती से भेजे गए किसी मैसेज को सभी के लिए डिलीट कर सकेंगे। व्हाट्सप्प बीटा ट्रैकर WABetaInfo ने नए फीचर की जानकारी दी है। रिपोर्ट के मुताबिक डिलीट फॉर एवरीवन फीचर की नई टाइम लिमिट की टेस्टिंग व्हाट्सएप के एंड्रॉयड वर्जन 2.22.410 पर हो रहा है। नए अपडेट के बाद व्हाट्सएप के मैसेज के डिलीट फॉर एवरीवन के लिए ढाई दिन का समय मिलेगा। इससे पहले भी एक रिपोर्ट आई थी जिसमें दावा किया गया था कि व्हाट्सएप नए अपडेट पर काम कर रहा है जिसके बाद व्हाट्सएप के मैसेज को सात दिनों बाद भी सभी के लिए डिलीट किया जा सकेगा, हालांकि यह अपडेट कब तक सभी के लिए जारी होगा, इस बारे में अभी तक कोई स्पष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं है।
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड कक्षा 10वीं और 12वीं बोर्ड 2022 की टर्म-1 परीक्षा परिणामों की लाखों छात्र की प्रतीक्षा कर रहे हैं। हालांकि,अभी तक सीबीएसई की ओर से आधिकारिक तारीख की घोषणा नहीं की गई है। इससे पहले सीबीएसई ने टर्म-1 परीक्षा परिणाम फरवरी के पहले सप्ताह तक जारी किए जाने की बात कही थी। इसलिए, नतीजों का एलान जल्द होने की संभावना है। एक बार जारी हो जाने के बाद, कक्षा 10वीं और 12वीं सभी विद्यार्थी टर्म-1 परीक्षा 2021-22 का परिणाम आधिकारिक वेबसाइट- cbse.gov.in, cbseresults.nic.in पर पर देख सकेंगे। वहीं, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के अधीन एनआईसी की रिजल्ट वेबसाइट results.gov.in पर भी परिणाम प्रदर्शित किए जाएंगे। सीबीएसई की ओर से कक्षा 10वीं 12वीं के टर्म-1 परिणाम डिजिलॉकर एप और वेबसाइट पर भी उपलब्ध कराए जा सकते हैं। इसके साथ ही परिणामों के उमंग एप और एसएमएस के जरिए भी देखने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। सभी परीक्षार्थी डिजिलॉकर एप्लीकेशन और इसकी वेबसाइट digilocker.gov.in पर भी अपना स्कोर देख सकते हैं। इसी प्रक्रिया के जरिए वे अपनी मार्कशीट, सर्टिफिकेट और माइग्रेशन सर्टिफिकेट भी डाउनलोड कर सकते हैं। यहां बीते सालों के रिकॉर्ड भी अपडेट किए जा रहे हैं।
मुंबई एनसीबी के पूर्व जोनल डायरेक्टर समीर वानखेड़े को तगड़ा झटका लगा है। उनके होटल और बार का लाइसेंस रद्द कर दिया गया है। ठाणे कलेक्टर ने नवी मुंबई में सद्गुरु होटल और बार को दिए गए लाइसेंस को रद्द कर दिया। इस होटल और बार के मालिक एनसीबी मुंबई के पूर्व क्षेत्रीय निदेशक समीर वानखेड़े थे। बताया जा रहा है कि समीर वानखेड़े ने 1997 में दायर लाइसेंस आवेदन में अपनी उम्र को गलत तरीके से पेश किया था। जिसके बाद ठाणे के डीएम ने कार्रवाई करते हुए सद्गुरु होटल और बार को दिए गए लाइसेंस को रद्द कर दिया। महाराष्ट्र सरकार में मंत्री और एनसीपी के वरिष्ठ नेता नवाब मलिक समीर वानखेड़े पर कई आरोप लगाते रहे हैं। ड्रग्स केस में नवाब मलिक के दामाद समीर खान के फंसने के बाद से ही नवाब मलिक और समीर वानखेड़े के बीच आपसी मतभेद और बयानबाजी जारी है। नवाब मलिक ने आरोप लगाया था कि IRS अधिकारी समीर वानखेड़े के पास बार का लाइसेंस है। मलिक ने नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के पूर्व मुंबई प्रमुख समीर वानखेड़े के खिलाफ केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड को इस संबंध में शिकायत की थी।
देश में जानलेवा कोरोना वायरस महामारी के मामले कल की तुलना में आज फिर कम हुए है। देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना वायरस के एक लाख 61 हजार 386 नए केस सामने आए हैं और 1733 लोगों की मौत हो गई। देश में दैनिक पॉजिटिविटी रेट अब घटकर 10 फीसदी से कम हो गया है। केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक, देश में अब एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 16 लाख 21 हजार 603 हो गई है। वहीं, इस महामारी से जान गंवाने वालों की संख्या बढ़कर 4 लाख 97 हजार 975 हो गई है। आंकड़ों के मुताबिक, कल दो लाख 81 हजार 109 लोग ठीक हुए, जिसके बाद अभी तक 3 करोड़ 95 लाख 11 हजार 307 लोग संक्रमण मुक्त हो चुके हैं। राष्ट्रव्यापी टीकाकरण मुहिम के तहत अभी तक कोरोना वायरस रोधी टीकों की 167 करोड़ से ज्यादा खुराक दी जा चुकी हैं। कल 57 लाख 42 हजार 659 डोज़ दी गईं, जिसके बाद अबतक वैक्सीन की 167 करोड़ 29 लाख 42 हजार 707 डोज़ दी जा चुकी हैं। स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया है कि राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को वैक्सीन की 164.89 करोड़ से ज़्यादा डोज़ उपलब्ध कराई गई है। राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के पास अभी वैक्सीन की 11.48 करोड़ से ज़्यादा डोज़ उपलब्ध है।
फरवरी के पहले हफ्ते में देश के ज्यादातर हिस्सों में सामान्य से कम तापमान रहने के आसार हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने कहा कि पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और उत्तर प्रदेश सहित उत्तर-पश्चिम भारत में 2-4 फरवरी के दौरान हल्की से मध्यम बारिश होगी। आईएमडी ने कहा कि 2 फरवरी को पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में छिटपुट हल्की वर्षा होने की संभावना है। साथ ही 3 और 4 फरवरी को पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और उत्तर प्रदेश में हल्की/मध्यम बारिश होने की संभावना है। वहीं बारिश की तीव्रता 3 फरवरी को अधिक रहेगी। आईएमडी ने कहा कि अगले 2 दिनों के दौरान उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के अधिकांश हिस्सों में न्यूनतम तापमान में 2-3 डिग्री सेल्सियस की क्रमिक वृद्धि और उसके बाद 3-5 डिग्री सेल्सियस की गिरावट की संभावना है। आईएमडी ने यह भी कहा कि 2-3 फरवरी को हिमाचल प्रदेश में और 3-4 फरवरी को उत्तराखंड के अलग-अलग क्षेत्र में ओलावृष्टि की संभावना है। एक ताजा सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और इससे प्रेरित चक्रवाती परिसंचरण के प्रभाव के कारण बारिश होने की संभावना है। आईएमडी के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ से जुड़े निचले स्तर की पश्चिमी हवाओं और निचले क्षोभमंडल के स्तर पर बंगाल की खाड़ी से निचले स्तर की दक्षिण-पूर्वी हवाओं के बीच संगम के कारण बिहार, झारखंड में गरज या बिजली के साथ काफी व्यापक प्रकाश या मध्यम वर्षा होने की संभावना है। 3-4 फरवरी को पश्चिम बंगाल, सिक्किम और ओडिशा में 4 फरवरी को अलग-अलग क्षेत्र में ओलावृष्टि की संभावना है।


















































