प्रदेश का राजनीतिक इतिहास गवाह बना है कि जब-जब बीजेपी सरकार सत्ता में आई है, तब-तब प्रदेश की सियासत से जनता का विश्वास निरंतर उठा है। मामला अढ़ाई साल तक चली शांता सरकार का हो या 1998 में सुखराम की बैसाखियों का सहारा लेकर बनी गठबंधन की सरकार का हो, बीजेपी न संगी-सहयोगियों की आकांक्षाओं पर खरी उतर पाई है, न ही जनभावनाओं पर खरी उतरी है। 1998 की गठबंधन सरकार में बीजेपी के 8 विधायक अपनी ही सरकार के खिलाफ 52 दिन धरने पर बैठे रहे व 2007 का कार्यकाल अपना दामन भरने व अपनों को खुड्डेलाइन लगाने में बीता। इस तरह जब-जब प्रदेश में बीजेपी सरकार बनी है, तब-तब भ्रष्टाचार बढ़ा है, प्रदेश का विकास रुका है। अफसरशाही बेलगाम रही है। इस तरह बीजेपी सरकारों का सारा कार्यकाल आपसी धीगांंमुश्ती में खराब हुआ है। यब बात प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष एवं विधायक राजेंद्र राणा ने सरकार पर हमलावर होते हुए यहां जारी प्रेस बयान में कही है। राणा ने कहा कि प्रदेश के ताजा सियासी घटनाक्रम की अगर बात करें तो केंद्र द्वारा पूरी तरह नियंत्रित बीजेपी सरकार लैटर बॉक्स साबित हो कर रह गई है। जिसका काम ऊपर की चिट्ठी नीचे और नीचे की चिट्ठी ऊपर पहुंचाना भर रह गया है। बेलगाम भ्रष्टाचार के बीच अब प्रचंड बहुमत से जीती बीजेपी सरकार में सरकार और संगठन आमने-सामने हैं। संगठन की सूनें तो भ्रष्टाचार के आरोप सरकार के मंत्री, विधायकों पर लग रहे हैं और मंत्री, विधायकों की मानें तो वह प्रत्यक्ष और परोक्ष में निरंतर चले आ रहे बेखौफ भ्रष्टाचार के लिए संगठन को जिम्मेदार मानते हैं। ऐसे में सरकार और संगठन अपने-अपने जुगाड़ में एक दूसरे के रडार पर हैं। प्रदेश में विकास कार्य पूरी तरह ठप्प पड़े हैं। केंद्र द्वारा नियंत्रित व बेबस प्रदेश सरकार को 2-4 अफसरशाही की जुंडली मनमर्जी से हांक रही है। वैश्विक महामारी के दौर में निरंतर एक के बाद एक भ्रष्टाचार के खुलासों ने प्रदेश की सियासी छवि को दागदार व शर्मसार किया है। राणा ने कहा कि अब बीजेपी के अपने ही विधायक धवाला के आक्रोश की ज्वाला की धधक सरकार व संगठन को तपाए हुए है। अपने ही असंतुष्टों व रुष्टों की जमात ने बीजेपी सरकार को निशाने पर रखा हुआ है। जबकि पक्ष और विपक्ष की आपसी गपशप में विपक्ष से ज्यादा पक्ष के लोग सरकार को नाकाम बता रहे हैं। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का सारा ध्यान आपसी बगावत को रोकने व कुर्सी को बचाने में लगा है। क्योंकि अब प्रचंड बहुमत से जीती सरकार की कुर्सी को गैरों की बजाय अपनों से खतरा निरंतर बढ़ रहा है। राणा ने कहा कि ऐसे में मुख्यमंत्री की एक टांग संगठन के पाले में है, जबकि दूसरी टांग सरकार को संभाले है। सरकार और संगठन के हर छोटे-बड़े फैसले का दारोमदार केंद्र के पास सुरक्षित है। ऐसे में जहां प्रदेश की जनता सरकार से पूरी तरह हताश-निराश हो चुकी है, वहीं सरकार कोई फैसला न ले पाने की स्थिति में खुद को लाचार व बेबस मान रही है। उन्होंने कहा कि जानकार बताते हैं कि जब-जब बीजेपी सत्तासीन हुई है, तब-तब प्रदेश विकास में दशकों पीछे चल गया है, जो कि दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति है।
जिला सिरमौर में कोरोना योद्वाओं की शारीरिक रोग-प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए आयुर्वेद विभाग होम्योपैथिक एम्यूनिटी बूस्टर दवा आसेनिकम एल्बम 30 वितरित करेगा। इस अभियान की शुरुआत करते हुए उपायुक्त सिरमौर डॉ आर के परूथी ने बताया कि यह दवा जिला सिरमौर में कार्यरत कोरोना योद्वाओं जैसे सफाई कर्मचारी, पुलिस विभाग, मेडिकल स्टाफ इत्यादि को वितरित की जाएगी इसके अतिरिक्त आम लोगों के लिए यह दवा आयुर्वेदिक अस्पतालय की ओपीडी में उपलब्ध होगी। उन्होंने बताया कि कोविड-19 जैसे संक्रमणों से लडने के लिए शारीरिक रोग-प्रतिरोधक क्षमता की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। हम अपने शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाकर इस संक्रमण से अपने जीवन को बचा सकते है। डॉ० परूथी ने बताया कि यह दवा कोविड-19 संक्रमण का ईलाज नहीं है। यह केवल शरीर में शारीरिक रोग-प्रतिरोधक क्षमता को बढाती है इसलिए कोविड-19 संक्रमण से बचने के लिए अन्य सावधानियों जैसे सामाजिक दूरी बनाएं रखना, बार-बार हाथ धोना व मास्क पहनना भी अत्यन्त आवश्यक है। इस अवसर पर जिला आयुर्वेदिक अधिकारी राजेन्द्र देव शर्मा ने बताया कि इस दवा की 6 गोलियां सुबह खालीपेट एक बार तीन दिन तक वयस्कों के लिए, 3 गोलियां सुबह खालीपेट एक बार तीन दिन तक 4 वर्ष से कम आयु के बच्चों के लिए दी जा सकती है। इसके अतिरिक्त एक महीने के बाद चिकित्सक केे परामर्श कर इसे दोबारा ले सकते है। यह दवा अन्य किसी भी दवा के साथ ली जा सकती है, यह बच्चों, गर्भवती महिलाओं एवं दूध पिलानेवाली माताओं के लिए भी सुरक्षित है। इस दवा के कोई साईड इफेक्ट नहीं है। इस अवसर पर वरिष्ठ होम्योपैथिक चिकित्सा अधिकारी डॉ0 राजकुमार शर्मा के अतिरिक्त अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
पंचायत दाड़लाघाट के गांव बागा में हो रही समस्या पीने के पानी का जायजा ग्राम पंचायत सुधार सभा के सदस्यों द्वारा लिया गया।महासचिव प्रेम केशव ने बताया कि यहां जायजा लेने के बाद पाया गया कि गांव में पीने के पानी की दिक्कत का कारण विद्युत बोर्ड के अनगिनत कट के कारण तथा इन कटों के बारे में आईपीएच विभाग को समय-समय पर अवगत कराने के बाद भी गांव की समस्या पर सुध नहीं ली जाती है। इस दिक्कत के बारे में विभाग के तकनीकी कर्मचारियों को भी अवगत कराया गया कि इस दिक्कत के कारण जो दाती योजना का पानी गांव में 50 वर्ष से आता रहा, उसे दुरस्त किया जाए, क्योंकि तकनीकी कर्मचारियों द्वारा कई बार ग्राम वासियों को कहा कि लाइन टूटी है, इसे ठीक करने के उपरांत ही सप्लाई को गांव में दिया जाएगा। इस निवारण हेतु कुनिहार समिति के पूर्व उपाध्यक्ष व बीड़ीसी सदस्य एवं ग्राम पंचायत सुधार सभा द्वारा भी विभाग को सप्लाई सुनिश्चित करने का आग्रह किया गया परंतु दिक्कत अभी भी जस की तस बनी हुई है। उन्होंने विभाग के अधिकारियों से आग्रह किया है गांव में पानी की हो रही समस्या को जल्द से जल्द ठीक किया जाए, जिससे स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। जब इस बारे जल शक्ति विभाग दाड़लाघाट के एसडीओ महेश से बात की गई तो उन्होंने बताया कि अम्बुजा क्षेत्र के गांव के लिए नवगांव लाइन से 5 करोड़ की नई स्कीम प्रस्तावित है। गांव में हो रही समस्या का निपटारा जल्द करके लोगों को पानी उपलब्ध करवा दिया जाएगा।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य, पूर्व मंत्री और श्री नयना देवी जी विधानसभा क्षेत्र से विधायक राम लाल ठाकुर ने कहा कोरोना काल में आई मंदी से मीडिया कर्मियों पर भी संकट के बादल छा गए है। उन्होंने कहा कि मीडिया संस्थानों, पत्रकारों व मीडिया कर्मियों को लेकर प्रदेश में सरकार में एक व्यापक योजना बननी चाहिए। ताकि मंदी के दौर में किसी भी मीडिया संस्थान, पत्रकार व मीडिया कर्मियों के ऊपर संकट नहीं आए। इस दिशा देश की सरकार और प्रदेश सरकार को कोई व्यापक योजना बनानी चाहिए ताकि इस मीडिया हाउसों पर आई मंदी जा तोड़ सामने आ सके। राम लाल ठाकुर ने मांग की कि सरकार इन छोटे और मझोले स्तर के मीडिया घरानों को फ़ौरन राहत पैकेज दे और यह भी सुनिश्चित करे कि जमीनी स्तर पर काम करने वाले पत्रकारों और मीडिया कर्मियों को इस राहत पैकेज का कितना लाभ प्राप्त हुआ है, अन्यथा लोकतंत्र का यह चौथा स्तम्भ भी खतरे आ जायेगा। राम लाल ठाकुर ने कहा यकायक जैसे ही कोविड 19 आया वैसे ही लोंगो ने अखबारों को छूना बंद कर दिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के कर्मियों का बाहर कवरेज के लिए निकलना भी बंद हो गया। अखबारों के वितरण में भारी गिरावट आ गई,अखबारों में पृष्ठ संख्या भी कम हो गई और विज्ञापन भी न के बराबर हो गया जिससे हमारे मीडिया बंधु भी इस कोरोना महामारी से आई मंदी से रोजगार छिनने का भय पैदा हो गया है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि मीडिया हमारे समाज मे सुदृढ़ संचारण व्यवस्था का रोल अदा करता आ रहा है। अगर मीडिया जगत में रोजगार को लेकर उदासीनता मंदी के कारण आती है तो हमारी समूची व्यवस्था का संचारण रुक जाएगा। उन्होंने कहा कि मीडिया दूसरों का दर्द दुनिया को बताने वाले खुद आज दर्द से जूझ रहा है। मीडिया को देश मे चौथा स्तंभ माना जाता है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि हमारी जानकारी के अनुसार देश के जाने माने मीडिया समूहों ने भी छंटनी करने की प्रक्रियाएं शुरू कर दी हैं। उन्होंने कहा कि देश मे कोई चार तरह का मीडिया सेगमेंट है, जिसमे वह पत्रकार व मीडिया कर्मी हैं मेट्रो सिटीज में काम करते हैं, कुछ सेमी मेट्रो सिटीज में काम करते है और कुछ हिमाचल प्रदेश जैसे राज्य के छोटे छोटे शहरों या जिला स्तर पर काम करते है और कुछ देश और प्रदेश के ग्रामीण स्तर पर काम करते है। इस कोविड 19 के काल मे कुछ मध्यम दर्जे के मीडिया घराने तो बंद हो चुके और कुछ तो तबाही के कगार पर खड़े हुए है। इसके अलावा हिमाचल प्रदेश में भी पत्रकारों और मीडिया कर्मियों की छंटनी की जा रही है। अब तो मीडिया कर्मियों को कहा जा रहा है कि लॉकडाउन के कारण कंपनी नुक़सान में है और इसलिए आपकी सेवाएं ख़त्म की जा रही हैं। आप दो महीने का वेतन लीजिए और इस्तीफ़ा दे दीजिए। इस मसले पर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के वशिष्ठ उपाध्यक्ष राहुल गांधी व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मनीष तिवारी ने भी अप्रैल में केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर को पत्र लिखकर मीडिया सेक्टर पर मँडरा रहे संकट का ज़िक्र किया था। राम लाल ठाकुर ने कहा कि मीडिया हमारे समाज का एक अहम हिस्सा है जो समाज की एक सही दिशा और आईने को दर्शाता है।
आपने नायक फिल्म में एक दिन के मुख्यमंत्री का किरदार देखा होगा, लेकिन वो रील लाइफ थी। कांगड़ा में ऐसा रियल लाइफ में हुआ है।एसडीएम कांगड़ा जतिन लाल ने दसवीं की परीक्षा में 94 फीसदी अंक हासिल करने वाली अपने ऑफिस के चपरासी की बेटी को एक दिन की एसडीएम बनाया है। 14 साल की हिना ठाकुर सुबह 11 बजे से एसडीएम कांगड़ा की कुर्सी पर बैठी हैं। एसडीएम जतिन लाल हिना के बगल में बैठे हैं। हिना सुबह से एसडीएम ऑफिस की बैठ एसडीएम के मार्गदर्शन में ले रही हैं। बाहर से आ रहे लोग अपनी समस्याएं एक दिन की एसडीएम हिना को बता रहे हैं। एक दिन की एसडीएम हिना ठाकुर का कहना है कि यह उनके लिए सपने की तरह है। वह इस सपने को साकार करेंगी। एसडीएम जतिन लाल सर ने मुझे सपना दिखाया है, उसे मैं पूरा करूंगी। मैं पहले डॉक्टर बनूंगी, उसके बाद आईएएस ऑफिसर। एसडीएम जतिन लाल ने बताया कि मुझे कल मेरे चपरासी ने बताया कि उसकी बेटी ने दसवीं में 94 फीसदी अंक लिए हैं। बेटी ने मेरिट में 34वा अंक हासिल किया है। मैंने बेटी को सम्मानित करने के लिए कार्यालय बुलवाया। बेटी ने कहा कि वो आईएएस अफसर बनना चाहती है। फिर मैंने सोचा कि बेटी को एक दिन की एसडीएम बनाया जाए। आज हिना ही एसडीएम है व पूरा कामकाज वही देख रही है। मैं बगल में बैठ कर उसे समझा रहा हूं। ऐसा करने का मेरा मकसद बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओ अभियान को बढ़ावा देना है ताकि देश की हर बेटी अपराजिता बने।
सरकार द्वारा अब आनलॉक 0.1 मे जनता को काफी हद तक कार्य करने के लिए छुट दे दी गई है, लेकिन फिर भी कोरोना वायरस के चलते देश की अर्थव्यवस्या वहुत बिगड़ गई है। ऐसे में मजदूर ओर गरीबो को खाने के लिए तरसना न पड़े इसको लेकर लोग लगातार सीएम राहत कोष मे अंशदान दे रहे है। वही इसमें महिलाए भी अपनी अहम भूमिका निभा रही है। इसी कड़ी में शुक्रवार को महिला मंडल चेखवा द्वारा CM राहत कोष मे 3000 रु की राशि एस डी एम करसोग के माध्यम से मुख्यमंत्री राहत कोष मे दी गई। वहीं महिला मंडल चेखवा की प्रधान संध्या देवी ने कहा कि अभी तक उपमडल करसोग के अनेको महिला मडलो ने कोरोना वायरस के चलते अपनी अहम भूमिका निभाई है तथा सभी महिला मंडलो ने अपना भरपूर सहयोग दिया है। ऐसे समय में जहां तक संभव हो जरूरतमंदों की मदद के लिए हमें आगे आना चाहिए। इसमे इनके साथ उपप्रघान विशन दास, प्रेमलता, मैनादेवी, रेनु, अरुणा व रम्भा भी उपस्थित रहे।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सहकारिता मंत्री डाॅ. राजीव सैजल 13 तथा 14 जून, 2020 को सोलन जिला के कसौली विधानसभा क्षेत्र के प्रवास पर आ रहे हैं। डाॅ. सैजल 13 जून, 2020 को प्रातः 9.00 बजे कसौली विधानसभा क्षेत्र के धर्मपुर में धर्मपुर व इसके आसपास के क्षेत्रवासियों की जनसमस्याएं सुनेंगे। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री 14 जून, 2020 को धर्मपुर में दिन में 1.00 बजे कसौली विधानसभा क्षेत्र के लोगों की जनसमस्याएं सुनेंगे। इस दौरान सभी सोशल डिस्टेन्सिग नियम का पालन करते हुए मास्क पहनकर आना सुनिश्चित करेंगे।
बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगों के सम्बन्ध में केन्द्र सरकार द्वारा घोषित विभिन्न सकारात्मक एवं सुधारोन्मुखी उपायों का स्वागत किया है। एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय खुराना तथा महासचिव वाईएस गुलेरिया ने इस सम्बन्ध में जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से केन्द्र सरकार द्वारा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगों के लिए 20 प्रतिशत ऋण सीमा का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार की इस घोषणा के उपरान्त बैंक स्वयं उद्योगों तक पहुंच रहे हैं। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय द्वारा अपने क्षेत्रीय कार्यालयों के माध्यम से इस योजना को उद्योगों तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि इस ऋण के सम्बन्ध में बैंकों को निर्देश जारी करें कि वे उद्योगों के प्रति उदारवादी रवैया अपनाएं। उन्होंने कहा कि जहां एक तरफ भारतीय स्टेट बैंक जैसे बैंक आपातकाल ऋण सीमा गारंटी योजना के तहत 7.25 प्रतिशत से 7.50 प्रतिशत दर पर ऋण उपलब्ध करवा रहे हैं वहीं लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी), आईडीबीआई तथा यस बैंक जैसे बैंक 8.25 प्रतिशत से 9.20 प्रतिशत की दर पर ऋण प्रदान कर रहे हैं। संजय खुराना तथा वाईएस गुलेरिया ने उद्योगों को ऋण उपलब्ध करवाने की प्रणाली पर ध्यान देने एवं अनुश्रवण के लिए मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर तथा उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के इस प्रयास से उद्योग जगत को व्यापक राहत मिली है।
इंडियन रेडक्रॉस सोसायटी के जिला शाखा बिलासपुर के अध्यक्ष एवं उपायुक्त राजेश्वर गोयल ने जानकारी देते हुए बताया कि 8 मई को विश्व रैड क्रॉस दिवस के अवसर पर सभी सरकारी और गैर सरकारी स्कूलों में इस वर्ष के विषय “कीप क्लैप्पिंग फॉर वालंटियर्स” को लेकर जिला रैडक्रॉस सोसाइटी बिलासपुर द्वारा पेंटिंग प्रतियोगिता आयोजित करवाई गई थी जिसमें जूनियर वर्ग (कक्षा 1 से 8 तक) और सीनियर वर्ग (कक्षा 9 से 12तक) तक के विद्यार्थियों ने भाग लिया था। उन्होंने बताया कि उनमें से विभिन्न स्कूलों के 591 विद्यार्थियों ने भाग लिया था और अपनी पेंटिंग को व्हाटसप के माध्यम से उप -निदेशालय शिक्षा विभाग को भेजा था। उन्होंने बताया कि पेंटिंग का मूल्यांकन शिक्षा विभाग द्वारा गठित समिति ने पूरी पारदर्शिता के साथ किया जिसमें सीनियर वर्ग के कर्ण कौंडल, कक्षा 9वीं, रावमापा (बाल) ने प्रथम स्थान, रावमापा (कन्या) ग्यारहवीं कक्षा की सुहानी दूसरा स्थान, जोबर थापा, 10वीं रावमापा (बॉय) तृतीय स्थान और सुदीक्षा शर्मा डीएवी वरमाणा, जयन जसरोटिया 9 वीं कक्षा डीएवी बिलासपुर, दिव्यांश 10वीं डीएवी वरमाणा, खुशबु 10वीं, रावमापा(कन्या) पंजगाई, दिव्यं ठाकुर 10 वीं कक्षा डीएवी बिलासपुर, शीतल ठाकुर 12 वीं डीएवी वरमाणा, अर्नव जामवाल गलोरी पब्लिक स्कूल बिलासपुर क्रमशः दस स्थान तक चयन किया गया। जूनियर वर्ग में गौरी अवस्थी 4 कक्षा गलोरी पब्लिक स्कूल बिलासपुर प्रथम स्थान, शिव्यांश शर्मा, 8 वी कक्षा रामापा मैहरा दुसरा स्थान , सोम्या धीमान पांचवी कक्षा डीएमएच स्कूल बिलासपुर तीसरा स्थान, शिवन्या तीसरी कक्षा, तानिस्क शर्मा गलोरी पब्लिक स्कूल बिलासपुर, आराध्या शर्मा छठी कक्षा डीएवी बिलासपुर, नव्या शर्मा 6 कक्षा, अनु शर्मा रामापा मेहरा, अचेतन्य वर्मा 5 कक्षा गलोरी पब्लिक स्कूल बिलासपुर, आंचल 5 कक्षा राप्रपा भढयात क्रमश 10 स्थान तक रहे। उन्होंने बताया कि इसके अतिरिक्त राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला करलोटी की गंभीर बीमारी से पीड़ित छठी कक्षा की छात्रा रंगत धीमान को भी पुरस्कृत करने का निर्णय लिया गया। उन्होंने बताया कि दोनों वर्गों में प्रथम, दूसरा और तीसरा स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को क्रमशः रूपये 1100सौ, रूपये, 900सौ रूपये व 700 सौ रूपए तथा अन्य क्रमशः 10 स्थान पर रहने वाले प्रतिभागियों को 500 सौ रूपये की पुरस्कार राशि देकर पुरस्कृत किया जा रहा है।
सोलन जिला के अर्की तहसील में भी कोरोना वायरस ने दस्तक दे दी है। दाड़लाघाट सब तहसील की ग्राम पंचायत पारनु के ठेरा गांव का एक 22 वर्षीय युवक कोरोना पॉजिटिव पाया गया है। यह अर्की तहसील का पहला मामला पॉजिटिव पाया गया है। मिली जानकारी के अनुसार उसकी ट्रेवल हिस्ट्री गाजियाबाद है वह 5 जून को एक टैक्सी के माध्यम से हिमाचल प्रदेश आया था। उसके पास बाकायदा सोलन, डीएम -627821 नम्बर का ईपास मौजूद था। जानकारी के अनुसार वह ग्रीन जोन गाजियाबाद के वैशाली सेक्टर से आया था। उसके घर से ही मिली जानकारी के अनुसार उसके साथ दो व्यक्ति बतौर ड्राइवर और कंडेक्टर थे जो उसे घर छोड़कर वापस चले गए थे।इस व्यक्ति का कोरोना टेस्ट 10 जून को दाड़लाघाट ईएसआई में हुआ था। इसके साथ 10 और व्यक्तियों का टेस्ट भी लिया गया था जिनमें से इस युवक की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इस व्यक्ति के पॉजिटिव आने के कारण सारा गांव सकते में आ गया है। इस गांव में लगभग डेढ़ सौ की जनसंख्या है और इस गांव को प्रशासन द्वारा सील कर दिया गया है। रास्ते में वह न जाने किन किन लोगों के संपर्क में आया वह पेट्रोल पंप दाड़ला फिलिंग सेंटर पर भी गया, उसे भी सील कर दिया गया है। दाड़लाघाट ईएसआई जहां उसका टेस्ट हुआ उसको भी एहतियातन सैनिटाइज करने हेतु बंद कर दिया है। परिवार वालों के अनुसार उन्होंने वैसे तो उससे उचित दूरी बनाकर रखी है लेकिन शौचालय और बाथरूम सभी ने एक ही प्रयोग किया है जिससे परिवार वाले भी संदेह के घेरे में आ सकते हैं। उधर पंचायत प्रधान विद्या सागर शर्मा का कहना है कि इस गांव के वासी प्रत्यक्ष अप्रत्यक्ष रूप से इस परिवार से संपर्क में आए हैं। अतः इनके सबके टेस्ट होने बहुत जरूरी है। एसडीएम अर्की विकास शुक्ला ने बताया इस युवक को कांठा भेजा भेज दिया गया और गांव ठेरा को एहतियातन सील कर दिया गया है। गौर रहे कि अभी तक अर्की तहसील में कोरोना के एक व्यक्ति के पॉजिटिव आने से पूरे क्षेत्र में लोगो में का माहौल छा गया है। फिलहाल अभी तक यहां कोई भी मामला न होने के बाद भी लोग एहतियात बरत रहे थे, परन्तु सबंधित व्यक्ति दिल्ली गाजियाबाद से दाड़लाघाट के पारनु में कैसे पहुंच गया यह भी एक चर्चा का विषय लोगो मे चला हुआ है। लोगो का प्रदेश सरकार व प्रशासन से साफ नाराज़गी है कि जो भी व्यक्ति पॉजटिव आए या कोई भी जो बाहर से यहां आ रहे है, उन्हें घर मे क्वारंटाइन न करके सरकार द्वारा बनाए गए कोरोना सेंटर में ही इन्हें क्वारंटाइन करने की व्यवस्था करें ताकि यह बीमारी उनके घर परिवार व आस पड़ोस में न फेल सके। लोगो मे यह भी चर्चा चली रही कि उक्त व्यक्ति जब गाजियाबाद से अर्की पहुंच गया तो क्या परवाणू बेरियर पर इसे प्रशासनिक क्वारंटाइन क्यों नही किया गया न जाने इतने कितने व्यक्ति होंगे जिन्हें सरकार द्वारा सीधे घर भेज दिया गया है। लोगो ने प्रदेश सरकार व प्रशासन से मांग की है कि जो भी ऐसे व्यक्ति आते है उन्हें सरकारी संस्थागत क्वारंटाइन करके इस वायरस से बचाया जा सके।
पंजाब के पठानकोट में लश्कर के दो आंतकियों की गिरफ्तारी के बाद हिमाचल प्रदेश में पंजाब से सटी सीमाओं पर पहरा बढ़ाया गया है। कांगड़ा और चंबा की सीमा पर पुलिस की अतिरिक्त चौकसी बढ़ाई गई है। बता दें कि पुलिस ने फल और सब्जियों के ट्रक से दो आंतकियों को गिरफ्तार भी बरामद हुए हैं। ऐसे में पंजाब और जम्मू से सटे कांगड़ा और चंबा के बॉर्डर पर पुलिस ने तलाशी अभियान छेड़ा है। गिरफ्तारी के बाद अब अब कांगड़ा-चम्बा पुलिस अलर्ट हुई है। कॉम्बिंग ऑपरेशन के तहत सीमाओं को सील किया गया है। SP कांगड़ा विमुक्त रंजन ने इसकी पुष्टि की है। बता दें कि चम्बा में पहले भी आतंकी घटनाएं हुई हैं और दर्जनों लोग जान गवां चुके हैं साल 1998 में यहां 35 लोगों को एक साथ कतारों में खड़ा कर गोलियों से भून दिया गया था। इसके अलावा, किहार में 2 चरवाहों की निर्मम हत्या साल 1993 में की गई थी। इसको देखते हुए बाद में चम्बा में ITBP का बेस कैंप बनाया गया था और जिसे लंबे अरसे तक आतंकी घटना न होने के चलते अब हटा भी लिया गया है। फिलहाल, पुलिस आने जाने वाली गाड़ियों की चैंकिंग कर रही है और संदिग्धों पर नजर रखी जा रही है।
अर्की ब्लॉक कांग्रेस अर्की की नई कार्यकारिणी का गठन कुछ माह पूर्व नियुक्त किये गए ब्लॉक अध्यक्ष रूप सिंह ठाकुर की अध्यक्षता में किया गया है। रूप सिंह ठाकुर ने बताया कि कार्यकारिणी का गठन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर व पूर्व मुख्यमंत्री एवम अर्की विधायक वीरभद्र सिंह के दिशानिर्देशानुसार किया गया है। उन्होंने कहा कि कार्यकारिणी में 16 उपाध्यक्ष, 16 महासचिव, 23 सचिव, 1 कोषाध्यक्ष, 26 कार्यकारी सदस्यों कि नियुक्तिया तुरन्त प्रभाव से लागू की गई है। इसके अतिरिक्त पवन कौशल, राज कुमार राणा, मेहर सिंह वर्मा, सुनीता गर्ग, रणजीत सिंह पाल, रोशन लाल जगोता, गीता राम ठाकुर, किरपा राम, नीलम रघुवंशी, धरम पाल कश्यप, सुमन गुप्ता, राम स्वरूप शास्त्री, धनी राम तनवर, मोहन सिंह ठाकुर, टेक चंद साथी, दीप लाल चौहान को उपाध्यक्ष बनाया गया है। धर्म पल गर्ग, वेद ठाकुर, कमलेश शर्मा, रवीश कौशल, सूरत राम सीमा शर्मा, जगदीश सिंह, अनुज गुप्ता, संजय ठाकुर, श्याम लाल शांडिल, सरिता रानी, जीत राम ठाकुर, अमर ठाकुर,रंजना पंवर, राजेश ठाकुर, जीत राम ठाकुर को महा सचिव नियुक्त किया गया। विनोद ठाकुर, श्यामलाल शर्मा, देवेन्द्र ठाकुर, अमर ठाकुर, ईश्वर दास, जय सिंह कौशल, ललित मोहन ठाकुर, योग राज चौहान, ओम प्रकाश ठाकुर, बलदेव कौंडल, देवराज पाल, सुरेन्द्र पाठक, विनोद जोशी, रणजीत सिंह कमल कौंडल, गौरव ठाकुर, कृष्ण चंद ठाकुर, जय सिंह, दलवीर सिंह, जिया लाल वर्मा, परमानंद पंड्यार, तिलक राज शर्मा को सचिव नियुक्त किया गया है। ओम प्रकाश पाल को कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया, जबकि सतीश कश्यप, अमर चंद पाल, कांशी राम शर्मा, निर्मला देवी, सुशील ठाकुर, प्रकाश चंद करड्ड, संजय ठाकुर, प्यारे लाल, डी डी शर्मा, जोगिंद्र सिंह, सुरेन्द्र कुमार, राकेश ठाकुर, नरेश शर्मा, रूप लाल, प्रकाश चंद बोटी, सुरेश शर्मा, जय पाल योगी राज, प्रेम ठाकुर, मदन लाल गर्ग, अनंत राम ठाकुर, किशोर शर्मा, सुरेन्द्र जगोता, पी एन वर्मा, राम चंद ठाकुर,ओम प्रकाश, धर्म सिंह, आदि को कार्यकारिणी सदस्य नियुक्त किया गया है। भीम सिंह ठाकुर, चौहान कृष्णा को सोशल मीडिया इंचार्ज की जिम्मेवारी दी गई है, जबकि विनोद ठाकुर को प्रेस सचिव का कार्यभार सौंपा गया है।
प्रदेश सरकार ने सहारा योजना के अन्तर्गत गंभीर रोगों से पीड़ित रोगियों के परिवारों को दी जाने वाली वित्तीय सहायता दो हजार रुपये से बढ़ाकर तीन हजार रुपये प्रतिमाह की है। सरकार के इस निर्णय से प्रदेश के लगभग 6550 लोग लाभान्वित हो चुके हैं और अभी तक इस योजना के अन्तर्गत 3.45 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शिमला से डलहौजी भाजपा मण्डल की वर्चुअल जन संवाद रैली को सम्बोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी ने समूचे विश्व के समक्ष एक बड़ी चुनौती उत्पन्न की है, लेकिन अधिकांश विकसित देशों की तुलना में भारत की स्थिति बेहतर है। लगभग 142 करोड़ की जनसंख्या वाले विश्व के 15 सर्वाधिक विकसित देशों में 4.10 लाख लोगों की मृत्यु हुई है, जबकि भारत में कोविड-19 के कारण अभी तक लगभग 8200 लोगों ने अपनी जान गंवाई है। उन्होंने कहा कि इसका श्रेय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को जाता है, जिन्होंने इस महामारी के दृष्टिगत यथा समय और दूरदर्शी निर्णय लिए। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान-सम्मान निधि योजना के अन्तर्गत प्रदेश के लगभग 8.74 लाख किसानों के बैंक खातों में दो-दो हजार रुपये जमा किए गए हैं। इसी प्रकार, कोविड-19 के दृष्टिगत प्रधानमंत्री जन-धन योजना के अन्तर्गत अप्रैल, मई और जून माह के लिए लगभग 5.90 लाख पात्र महिलाओं के खातों में 500 रुपये प्रतिमाह जमा किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने हिमकेयर और आयुष्मान भारत योजना के अन्तर्गत कोरोना वायरस की जांच और उपचार का निर्णय भी लिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के लगभग 5.69 लाख पात्र लोगों को तीन महीने की अवधि की अग्रिम सामाजिक सुरक्षा पेंशन प्रदान की गई है ताकि इस महामारी के समय समाज के संवेदनशील वर्ग को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन के 44 हजार नए मामले भी स्वीकृत किए गए हैं। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार प्रयासरत है कि हिमाचल प्रदेश कोविड-19 के कारण आए आर्थिक संकट की स्थिति से शीघ्र ही बाहर आए। इसके लिए मंत्रिमण्डलीय उप-समिति और टास्क फोर्स का गठन किया गया है, जो प्रदेश की आर्थिकी को बहाल करने के लिए अपने सुझाव देंगे। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश भवन एवं सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड के अन्तर्गत पंजीकृत लगभग एक लाख श्रमिकों को 40 करोड़ रुपये व्यय कर मार्च व अप्रैल, 2020 माह के लिए दो-दो हजार रुपये दिए गए हैं।
हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा गो-सदनों तथा कऊ सैंचुरी में वित्तिय सहायता उपलब्ध करवाने बारे जिला के सभी गो सदन संचालकों के साथ उपायुक्त राजेश्वर गोयल की अध्यक्षता में आवश्यक बैठक आयोजित की गई। बैठक की अघ्यक्षता करते हुए उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा गो सदनों में 500 रूपए तथा कऊ सैंचुरी में 1500 रूपए तक प्रति पशु प्रतिमाह वित्तिय सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने बताया कि जिला में गो सदनों में बेहतरीन कार्य चल रहा है। उन्होंने बताया कि गो सदनों और कऊ सैंचुरी को और अधिक प्रभावी ढंग से चलाने के लिए और सहायता प्रदान करने के लिए योजना शुरू की गई है। उन्होंने बताया किइस योजना के तहत जो भी गो सदन गो सेवा आयोग के साथ पंजीकृत होंगे उन्हे यह सहायता प्रदान की जाएगी। इसके अतिरिक्त सोसाईटी एक्ट के तहत गोसदन और पंचायतों द्वारा अस्थाई तौर पर चलाए जा रहे पशु आश्रय स्थलों जों कि सम्बन्धित कमेटी के द्वारा अनुमोदित हों को भी सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने बताया कि गो सदनों के बेहतरीन संचालन के लिए उपायुक्त की अध्यक्षता में जिला स्तरीय तथा एसडीएम की अध्यक्षता में उपमंडल स्तरीय आसैर तहसीलदार की अघ्यक्षता में स्थानीय समितियां गठित की जाएंगी। उन्होंने समस्त एसडीएम को भी निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्ष़ेत्राधिकार के तहत आने वाले गो सदनों का समिति के सदस्यों सहित शीघ्र निरीक्षण करना सुनिश्चित करें तथा गो सदनों की समस्याओं के बारे में अवगत करवाएं। उन्होंने बताया कि गो सदनों में आने वाली समस्याओं को दूर करने के प्रयास किए जाएंगें। उन्होंने बताया कि प्राथमिकता के तौर पर पुलों पर घूम रहें पशुओं को आश्रय दिया जाएगा। उपनिदेशक पशु पालन डा अविनाश शर्मा ने बताया कि गो सदनों में जो भी पशु रखें जाएंगे उन्हें टैग लगाए जाएंगे और सभी गो सदनों में 16 जून तक पशुओं को मुंहखुर रोग निरोधक टीके भी लगाएं जाएंगे। बैठक में उचित सामाजिक दूरी का पालन किया गया। गो सदन बल्हसीणा, पडयालग, लैहड़ी बरेटा, चांदपुर, रघुनाथपुरा, कोठीपुरा, बिलासपुर बलगाड़, सोहणी देवी तथा सुनील प्रगति समाज भगेड़ के गो सदन संचालकों तथा बीडीओ सदर ने भाग लिया।
10 वीं की बोर्ड परीक्षा परिणाम में शहीद धर्मेंद्र राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय दुर्गापुर धारणी का परीक्षा परिणाम गत वर्षो की भांति इस वर्ष भी सराहनीय रहा है। स्कूल के प्रधानाचार्य श्री खेमचंद राघव जी ने जानकारी दी कि उनके विद्यालय में कुल 21 विद्यार्थियों ने मार्च 2020 में 10 वीं की बोर्ड परीक्षा दी जिसमें से 20 विद्यार्थी उत्तीर्ण हुए।इस प्रकार परीक्षा परिणाम 95.24% रहा। विद्यालय में सुमित ठाकुर प्रथम स्थान पर रहे जिसने 700 में से 612 अर्थात 87.43% अंक अर्जित किए। देवांशु तनवर 605 अंक अर्थात 86.43%अंको के साथ दूसरे स्थान पर रहे। तृतीय स्थान नीलाक्षी ने प्राप्त किया जिसने 700 में से 584 अर्थात 83.43% अंक अर्जित किए। इस सफलता पर प्रधानाचार्य व समस्त स्कूल स्टाफ रविंद्र कुमार शर्मा, प्रेम लाल ठाकुर, ईश्वर दत्त, प्रमोद कुमार, कमल चंद, रमेश चंद, निशा देवी, कुसुम लता, चंपा देवी ने बच्चों व उनके अभिभावकों को बहुत बधाई दी है। प्रधानाचार्य खेमचंद राघव जी ने अपनी अपनी पूरी टीम को भी इस सफलता पर बधाई दी है जिनके प्रयासों से यह संभव हुआ है।
पंजाब पुलिस ने गुरुवार को जम्मू एवं कश्मीर आधारित लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) के दो गुर्गों की गिरफ्तारी के साथ कश्मीर घाटी में हथियारों की तस्करी के एक बड़े प्रयास को विफल कर दिया। संदिग्ध आतंकवादियों से दो मैगजीन और 60 जिंदा कारतूस के साथ एक एके-47 राइफल और दस हैंड ग्रेनेड भी जब्त किए गए हैं। इनकी पहचान 26 साल के आमिर हुसैन वानी और 27 वर्षीय वसीम हसन वानी के रूप में हुई। पंजाब से घाटी तक स्वचालित (ऑटोमेटिक) हथियारों और हथगोले को पहुंचाने के काम में सक्रिय इन दोनों आतंकियों को पठानकोट पुलिस ने पकड़ा है। ये आतंकी अमृतसर-जम्मू राजमार्ग पर एक ट्रक से जा रहे थे, जिसे पुलिस ने रोक लिया। पुलिस महानिदेशक दिनकर गुप्ता ने कहा कि ट्रक की तलाशी से हथियारों और गोला-बारूद की बरामदगी हुई और आरोपियों ने प्रारंभिक जांच के दौरान यह खुलासा किया कि उन्हें पंजाब से इस हथियार की खेप को इश्फाक अहमद डार उर्फ बशीर अहमद खान ने इकट्ठा करने के लिए निर्देशित किया था, जो कि एक पूर्व कांस्टेबल है। वर्तमान में घाटी में लश्कर का एक सक्रिय आतंकवादी, डार 2017 में फरार हो गया था। गिरफ्त में आए आतंकियों ने आगे कहा कि उन्होंने आज (गुरुवार) सुबह अमृतसर की सब्जी मंडी के पास मकबूलपुरा-वल्लाह मार्ग पर पहले से ही निर्धारित किए गए स्थान पर दो अज्ञात व्यक्तियों से ये खेप एकत्र की थी। इसके बाद उन्होंने ट्रक में हथियारों की इस खेप को छुपाया, जिसे वे अमृतसर मंडी से सब्जियां और फल लादने के उद्देश्य से लाए थे। आमिर हुसैन वानी ने खुलासा किया है कि ट्रक में पंजाब की अपनी पिछली यात्राओं में उन्होंने अपने हैंडलर्स – इश्फाक अहमद डार और रमीज राजा के कहने पर हवाला के 20 लाख रुपये से अधिक की रकम इकट्ठा की थी। उन्होंने यह भी कहा कि अमृतसर की पिछली यात्राओं के दौरान, उन्होंने हिजबुल मुजाहिदीन और लश्कर के एक-एक आतंकियों को पंजाब से घाटी में प्रवेश कराया था। हालांकि ये दोनों आतंकी अब मर चुके हैं। उनकी पहचान आमिर ने हिजबुल मुजाहिदीन के सद्दाम अहमद पद्दार और लश्कर के जसीम अहमद शाह के रूप में की है। गुप्ता ने कहा कि यह गिरफ्तारी हालिया खुफिया सूचनाओं के बाद हुई है, जिसमें यह संकेत मिला था कि पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए सीमा पार से घुसपैठ करने के साथ ही हथियारों की खेप को कश्मीर घाटी में पहुंचाने की फिराक में है।
वीरवार को जोगिंदर केंद्रीय सहकारी बैंक के निदेशक मंडल की बैठक अधोहस्ताक्षरी के अध्यक्षता में जिला उपायुक्त कार्यालय सोलन के मीटिंग हॉल में प्रातः 11:00 बजे आरंभ हुई जिसमें कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा पश्चात सर्वसम्मति से निर्णय लिए गए जिनमें प्रमुख मुद्दे ने निम्न प्रकार से हैं : सर्वप्रथम बैंक के 5 निर्वाचित निदेशकों के त्याग पत्रों को, जो कुछ दिनों पूर्व बैंक मुख्यालय में प्राप्त हुए थे को संपूर्ण विचार-विमर्श पश्चात स्वीकार किया गया और सरकारी नामजद निदेशक विनोद ठाकुर व पंजीयक सहकारी सभा द्वारा नामजद निदेशक सुरेंद्र स्याल के त्यागपत्र प्रार्थना पत्रों को आगामी कार्यवाही हेतु संबंधित सक्षम कार्यालयों को भेजने का निर्णय हुआ। बैंक मुख्यालय भवन के निर्माण का मामला जो गत काफी समय से लंबित था, उसे हिमुडा से निर्माण करवाने हेतु प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान करने का निर्णय हुआ जो कि लगभग मु० 3.93 करोड़ की लागत से न्यू कथेड़ नजदीक एचआरटीसी वर्कशॉप निर्मित होगा। निदेशक मंडल द्वारा हिमाचल प्रदेश राज्य सहकारी बैंक की तर्ज पर बैंक के कर्मचारियों को 4-9-14 स्कीम के लाभ देने का सैद्धांतिक निर्णय लिया गया। निदेशक मंडल द्वारा जयनगर में बैंक शाखा तथा कुफ्टू व बसाल में विस्तार पटल यथाशीघ्र खोलने का निर्णय हुआ जिसकी स्वीकृति हाल ही में पंजीयक सहकारी सभा से प्राप्त हुई है। वर्तमान में निदेशक मंडल के कार्यालय 15-9-2020 को समाप्त होने जा रहे हैं। अतः इसलिए आगामी चुनाव प्रक्रिया आरंभ करने की पूर्व अनुमति समक्ष विभाग से यथाशीघ्र लेने का निर्णय निदेशक मंडल द्वारा लिया गया है जो नियम अनुसार कार्यालय अवधि समाप्त होने से 90 दिन पूर्व शुरू की जानी अपेक्षित होती है।
शिक्षा, विधि एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश भारद्वाज ने बचत भवन सभागार में मानसून के दौरान तैयारियों का जायजा संबंधित बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने बताया कि मौसम विभाग के अनुसार इस वर्ष जुलाई महीने में अधिक वर्षा होने की संभावना है, जिसके लिए समय रहते तैयारियां करने की आवश्यकता है। उन्होंने सभी विभागों को आपस में समन्वय स्थापित करने का आग्रह किया ताकि स्थिति से बेहतर तरीके से निपटा जा सके। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को मशीनरी तथा श्रमिकों की उपलब्धता के लिए निर्देश दिए ताकि यातायात को सुचारू रूप से चलाया जा सके। साथ ही नगर निगम को शिमला शहर में सफाई व्यवस्था बनाए रखने के भी आदेश दिए। उन्होंने विद्युत विभाग एवं वन विभाग को खतरनाक पेड़ों को काटने संबंधी संयुक्त निरीक्षण करने के आदेश दिए। उन्होंने विभिन्न विभागों को अचानक आई बाढ़, आसमानी बिजली गिरने और सांप काटने की स्थिति में क्या करना और क्या नहीं करना चाहिए के बारे में लोगों को जागरूक करने को कहा। उन्होंने बताया कि डैम के नजदीक लोगों को पानी छोड़ने पर सायरन बजाने की उचित व्यवस्थता की जाएगी। उन्होंने बिजली विभाग को ढीली तारों की मुरम्मत करने और बिजली संबंधित शिकायतों का निपटारा करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने आगामी मानसून के मद्देनजर विभिन्न विभागों को पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए ताकि किसी भी प्रकार की जान-माल के नुकसान से बचा जा सके। बैठक में सांसद सुरेश कश्यप, विधायक बलवीर वर्मा, एपीएमसी के अध्यक्ष नरेश शर्मा, उपायुक्त शिमला अमित कश्यप, अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी (कानून एवं व्यवस्था) प्रभा राजीव, अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी (प्रोटोकाॅल) संदीप नेगी, प्रबंध निदेशक एच.पी.एम.सी. देवा श्वेता बनिक, प्रबंध निदेशक हिमफैड के.के. शर्मा, जिला के सभी उपमण्डलाधिकारी एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
स्वस्थ मानकों को सर्वोपरि रखते हुए कोविड संक्रमण महामारी के दौरान हमें अपनी आर्थिक गतिविधियों को जारी रखना है। उपायुक्त शिमला अमित कश्यप ने होटल, ढाबा तथा होम स्टे व रैस्टोरेंट यूनियन के प्रतिनिधियों से बाचतीच करते हुए यह विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि पर्यटन विभाग द्वारा जारी मानक संचालन प्रक्रिया का गंभीरता से पालन करना सुनिश्चित करें। उन्होंने ढाबा, रैस्टोरेंट व हलवाई यूनियन के प्रतिनिधियों को अपने प्रतिष्ठानों के परिसरों की निरंतर सैनेटाईजेशन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि होटल, रैस्टोरेंट व ढाबों में परस्पर सामाजिक दूरी, साबुन से हाथ धोने, कर्मचारियों व प्रबंधकों द्वारा दस्ताने, फेस मास्क आदि का प्रयोग करने सम्बन्धित आवश्यकताओं को अपनाने को कहा। उन्होंने ढाबा, हलवाई तथा रैस्टोरेंट के बाहर ग्राहकों के बैठने की व्यवस्था के संबंध में सूची लगाने के निर्देश दिए, जिसके तहत 60 प्रतिशत ग्राहक बैठना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि सोडियम हाईड्रोक्लोराईड का प्रयोग कर हम प्रतिष्ठान परिसर को सैनेटाईज करना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि पर्यटन विभाग द्वारा जारी हिदायतों के प्रति यदि किसी प्रकार का संशय है तो इस संदर्भ में चर्चा की जा सकती है। उन्होंने प्रबंधकों से इस संबंध में प्रत्येक स्तर की तैयारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि करोना संक्रमण की चुनौतियों से निपटने के लिए हमें अपने जीवन शैली में बदलाव लाने की आवश्यकता है, जिसके लिए हमें सजग व सर्तक रहना होगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश व जिला में पर्यटन उद्योग आर्थिकी सुदृढ़ीकरण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। कोविड काल में इसकी निरंतरता को बनाए रखने के लिए हमें होटलों व प्रतिष्ठानों में कुछ परिर्वतन भी करने पड़ सकते हैं, जोकि सभी के हित में होंगे। बैठक में अतिरिक्त जिला दंण्डाधिकारी (कानून एवं व्यवस्था) प्रभा राजीव, जिला पर्यटन विकास अधिकारी जी.एस. काल्टा, सहायक जिला पर्यटन विकास अधिकारी कंचन बेदी, दिनेश गुलेरिया, टूरिजम इंडस्ट्री स्टेक होल्डर ऐसोसिएशन के अध्यक्ष व राज्य संयोजक आल हिमाचल ऐसोसिएशन आफ हास्पेटैलिटी एण्ड टूरिजम फैडरेशन महेन्द्र सेठ, शिमला होटल एवं रैस्टोरेंट के अध्यक्ष संजय सूद एवं ढाबा, हलवाई, बीएण्डबी व्यवसाय संघों के पदाधिकारी व सदस्य उपस्थित थे।
कोविड-19 के खतरे के दृष्टिगत समाज के विभिन्न वर्ग यह प्रयास कर रहे हैं कि पीड़ित मानवता को सम्बल प्रदान किया जाए ताकि लोगों को समय पर सहायता प्राप्त हो सकें। इसी कड़ी में स्वर्ण एजुकेशनल एण्ड वेलफेयर ट्रस्ट (सेवा) द्वारा संचालित किए जा रहे डे केयर सेंटर खुशी की सदस्यों ने क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में कार्यरत कोरोना योेद्धाओं के लिए खाद्य पदार्थों के 110 पैकेट भिजवाए। यह जानकरी खुशी की वरिष्ठ सदस्य तृप्ता चैधरी ने दी। तृप्ता चैधरी ने कहा कि कोरोना महामारी के इस समय में खुशी डे केयर सेंटर यह प्रयास कर रहा है कि उन कोरोना योद्धाओं का किसी न किसी रूप में सम्मान एवं सहयोग किया जाए जो अपनी और अपने परिजनों से दूर रहकर भी कोविड-19 के विरूद्ध में लड़ाई में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। इसी ध्येय के साथ खुशी डे केयर सेंटर की सभी बुजुर्ग महिलाओं ने क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में कार्यरत चिकित्सकों, नर्सों एवं पैरामेडिकल कर्मियों के लिए खाद्य पदार्थ के 110 पैकेट भिजवाए। उन्होंने कहा कि बुजुर्ग महिलाओं द्वारा कोरोना योद्धाओं के सम्मान में यह कार्य किया गया है। इससे पूर्व भी खुशी डे केयर सेंटर की महिलाओं ने उपायुक्त सोलन केसी चमन को जिला कोविड-19 फण्ड के लिए 16 हजार रुपये का चैक भेंट किया था। डे केयर सेंटर खुशी ऐसा पहला केंद्र है जो पूर्ण रूप से बुजुर्ग महिलाओं को समर्पित है। गत 05 वर्षों में इस केंद्र से सोलन की अनेक बुजुर्ग महिलाएं किसी न किसी रूप में जुड़ी रही हैं और यह केंद्र वरिष्ठ महिलाओं की समस्याओं को सुलझाने का मंच बनकर भी उभरा है।
भारतीय जनता पार्टी श्री नयनादेवी जी (अप्पर) मंडल के अध्यक्ष लेखराम ठाकुर ने मण्डल कार्यकारिणी की घोषणा कर दी जिसमे नम्होल से प्रधान रणजीत सिंह ठाकुर, कल्लर से प्रधान सोमा देवी, कोठीपुरा के प्रधान नन्द लाल ठाकुर तथा रानीकोटला के उप प्रधान राजकुमार ठाकुर को उपाध्यक्ष मनोनीत किया है। उन्होने रूपलाल भटटी जुखाला, तथा प्रकाश ठाकुर छडोल को महामन्त्री नियुक्त किया है। सिकरोहा से कुलदीप ठाकुर, सायर डोभा से चम्पा कुमारी, सोहरा ब्युंस से बाबू राम, पंचायत घ्याल से रतन ठाकुर काटल, और कोलथी से निशा कुमारी को सचिव बनाया है। कचौली से मीरा देवी को कोष अध्यक्ष, कोटला से शैलेन्द्र भडोल को प्रवक्ता तथा स्योहला से नरेश कुमार शर्मा को मीडिया प्रभारी नियुक्त किया है। इसके अतिरिक्त ग्राम केन्द्र रानीकोटला से रामपाल ठाकुर करोट, ग्राम केन्द्र खारसी से किशोरी लाल खारसी कनैतां, ग्राम केन्द सुईं सुरहाड से चन्द्रशेखर भण्डोखर, ग्राम केन्द्र छकोह से हीरा लाल मोती, ग्राम केन्द्र सिकरोहा से जगदीश ठाकुर, चन्दपुर, ग्राम केन्द्र नम्होल से चुनी लाल ठाकुर दगसेच, ग्राम केन्द्र घ्याल से जगदीश वैद, ग्राम केन्द्र कोटला से नीलू फाडिया, ग्राम केन्द्र जुखाला से सुच्चा सिंह ठाकुर, ग्राम केन्द्र दयोथ से श्याम लाल शर्मा, भजूण, ग्राम केन्द्र कोठीपुरा से नरेन्द्र ठाकुर, चंगर पलासणी, ग्राम केन्द्र चिल्ला से राजू राम (पलाह),ग्राम केन्द्र छडोल से कपिल ठाकुर सौटी को ग्राम केन्द्र प्रमुख मनोनीत किया। उक्त सभी ग्राम केन्द्र प्रमुख मण्डल कार्यकारिणी के स्थाई सदस्य होंगे। अन्य मण्डल कार्यकारिणी सदस्यों की घोषणा बाद में की जाएगी।
हमीरपुर मेडिकल कॉलेज में कोरोना समेत सभी वायरस के टेस्ट की आरटी-पीसीआर (रिवर्स ट्रांसक्रिपटेस-पालिमरेज चेन रिएक्शन) मशीन आखिर स्थापित हो गई है। इसका श्रेय नादौन के विधायक व पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष ठाकुर सुखविंद्र सिंह सूक्खू को जाता है। उन्होंने 5 अप्रैल 2020 को मशीन खरीदने के लिए मेडिकल कॉलेज प्रशासन को विधायक निधि से 35 लाख रुपये दिए थे। उनकी घोषणा के बाद मशीन की खरीद रुकवाने के लिए उनके विरोधियों ने खूब जोर लगाया। जारी राशि को रोकने का दबाव भी पड़ा, लेकिन सुखविंद्र सिंह सूक्खू डटे रहे। उन्होंने सीएम जयराम ठाकुर व स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव आरडी धीमान से मुलाकात कर मशीन खरीदने का अनुरोध किया। इसके बाद डीसी हमीरपुर ने 35 लाख रुपये कॉलेज प्रशासन को मशीन खरीद के लिए सूक्खू की विधायक निधि से जारी किए। सुखविंद्र सिंह सूक्खू ने बताया कि अभी हमीरपुर मेडिकल कॉलेज में कोरोना व अन्य फ्लू का टेस्ट नहीं होता था। इसके लिए यह टेस्ट मशीन जरूरी थी। हमीरपुर के साथ ही आसपास के क्षेत्रों के लोगों को कोरोना या अन्य वायरस के टेस्ट कराने के लिए अब दूरदराज नहीं जाना होगा, न ही निजी लैब में मोटी रकम चुकानी होगी। आरटी-पीसीआर टेस्ट से बहुत कम समय में यह पता चल जाता है कि संदिग्ध व्यक्ति कोविड-19 व अन्य वायरस से संक्रमित है या नहीं। इस मशीन से स्वाइन फ्लू, बर्ड फ्लू, इन्फ्लूएंजा इत्यादि वायरस के भी टेस्ट होंगे। विधायक व पूर्व सीपीएस इंद्रदत्त लखनपाल, पूर्व विधायक कुलदीप पठानिया, प्रदेश कांग्रेस महासचिव सुनील शर्मा, जिला अध्यक्ष राजेंद्र जार, सुरेश कुमार, मदन कौंडल, नरेश ठाकुर, कैप्टन पृथ्वी चंद, कैप्टन प्रेम चंद व जिला परिषद स्वर्णलता पराशर ने सुखविंद्र सिंह सूक्खू का आरटी-पीसीआर मशीन स्थापित करवाने के लिए धन्यवाद किया है। उन्होंने कहा कि विधायक सुखविंद्र सूक्खू की मेहनत रंग लाई है। अब लोगों को कोरोना या अन्य फ्लू की जांच के लिए इधर-उधर नहीं भटकना पड़ेगा।
All the members of the Tourism Industry Stake Holders Association have decided to open their Hotels and restaurants in Shimla by mid of September. The SOP has been issued by the Government which was circulated to all the members. All the members have gone through it and all the members have decided to make all the arrangements required under SOP to be complied before opening the hotels. The training of staff will be organized from next week. The existing staff in the hotels will be trained in the first phase. The tips to take precautions required to be taken by the staff while serving and housekeeping will be a part of the training. Secondly, the decision to keep hotels and restaurants closed for the time being is taken because as per the medical experts the COVID 19 cases will go at its peak during July and August. Keeping in view the off seasonal months ahead we have decided to prepare our establishments and staff for the opening of our units post COVID. Keeping in view the Opinion of the medical experts we have decided to open the tourism units only after August in the larger interest of the general public. However, it has been decided that the hotels situated near hospitals or the hotels that have occupancy dependent on local Himachalis may open their units on the internet of the general public. Today the meeting was held under the chairmanship of Deputy Commissioner wherein we have given him the view of our association. On Wednesday, the zoom meeting of the federation of all Himachal Associations was held wherein associations of Manali, Dharamshala, Chamunda, Kasauli, Shimla, Kinnaur, etc participated in the meeting. All the associations were having the same opinion as mentioned above and it was decided that we should try to open Himachal for tourism by mid of September.
प्रदेश सरकार में मुख्य सचेतक नरेन्द्र बरागटा जुब्बल कोटखाई के हिमरी गाँव में अग्निकांड से प्रभावित परिवार से मिले। बरागटा ने इस परिवार को हर संभव सहायता करने की बात कही। उन्होंने अग्निकांड से पीड़ित परिवार को सहानुभूति के तौर पर 1 लाख रुपये की राहत राशि भी प्रदान की। गौरतलब है कि पिछले कुछ दिनों पहले यहां पर 3 मंजिला मकान आग की भेंट चढ़ गया था जिसमें लाखों का नुकसान हुआ था। यह नुकसान पूरा तो नहीं हो सकता है लेकिन फिर भी सरकार के नुमाइंदे अपनी ओर से इस परिवार की हर संभव मदद करने का प्रयास कर रहे है। इस क्षेत्र के लोग भी सहानुभूति के तौर पीड़ित परिवार की मदद करने में जुटे है ताकि ये परिवार सदमे से उबर कर जिंदगी का अगला पड़ाव की शुरुआत करें।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य, पूर्व उधोग मन्त्री व विधायक श्री नयना देवी जी विधानसभा क्षेत्र राम लाल ठाकुर ने केन्द्र सरकार का मुद्रा योजना का कच्चा चिट्ठा खोल के रख दिया है। उन्होंने कहा कि यह मुद्रा योजना मात्र युवाओं को ठगने भर का विकल्प है और बेरोजगार लोंगो को मुंगेरी लाल के हसीन सपने दिखाने जैसा है। राम लाल ठाकुर ने प्रदेश सरकार को भी मुद्रा लोन योजना पर अपनी स्थिति स्प्ष्ट करने को कहा है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि अगर हम मुद्रा योजना के आकड़ो व तथ्यों का अध्धयन करें तो यह योजना सिर्फ युवाओं को ठगने और देश मे एक बड़े वित्तिय घोटाले की ओर इशारा करती है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि एक तरफ सरकार बैंकों की हालात सुधारने के लिए डूब चुके कर्ज की वसूली में लगी है तो दूसरी तरफ सरकार की मुद्रा योजना के तहत दिए गए लोन में से अब तक करीब 18 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का एनपीए हो चुका है। इतना ही नहीं जिन्हें लोन मिला है उनमें से मुश्किल से 1 फीसदी लोगों को 5 लाख रुपये से ज्यादा दिए गए। राम लाल ठाकुर ने कहा कि खुद के पैरों पर खड़ा होने के मकसद से मोदी सरकार ने करीब 5 साल पहले सरकार ने मुद्रा योजना की शुरुआत की थी जिसके तहत 10 हजार रु से लेकर 10 लाख रु तक के लोन दिए जाने थे। ये लोन दिए भी गए, लेकिन इस लोन में से अब तक 18 हजार करोड़ रु से अधिक का एनपीए हो चुका है। यानी इस लोन के वापस चुकाने की संभावना नहीं है। तो यब बहुत बड़ी वित्तिय गड़बड़ी सामने आ रही है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि हालांकि वित्त मंत्रालय इस 18 हजार करोड़ रु के एनपीए को लेकर खुद को असहज नहीं बता रहा है। उन्होंने प्रश्न खड़ा किया तो क्यों नही देश किसानों के लोन भी माफ किए जाते है वह भी तो रोजगार ही चलाते है। तो क्यों एक लूट जो बड़े प्रबंधकीय तरीके से की जा उसकी छानबीन नहीं कि जा रही है।यह सिर्फ बेरोजगारी के आकड़ो को झुठलाने के लिए ही किया जा रहा है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि 8 अप्रैल 2015 को इस मुद्रा योजना को लॉन्च करने के बाद 7 लाख 34 हजार करोड़ रु के करीब का लोन अब तक दिया जा चुका है। अब तक इसमें से 2.5 फीसदी से ज्यादा लोन एनपीए हो चुका है, यानी कुल 18 हजार करोड़ के करीब रु का लोन एनपीए हो गया है। इसका मतलब ये हुआ कि अब इस रकम की वसूली की संभावना नहीं है। लेकिन इसका दूरगामी परिणाम अब यह हो चुका है कि बैंक अब मुद्रा लोन देने में युवाओं को आनाकानी करने लगेंगे। तो अब तो इस योजना की बुनियाद ही डगमगा चुकी है। राम लाल ठाकुर ने इस योजना के अन्य आंकड़े खोलते हुए कहा कि मामला सिर्फ एनपीए का नहीं है। मुद्रा लोन को लेकर जो दावे किए जा रहे हैं उसका एक कड़वा सच भी है। मुद्रा योजना के तहत अब तक 14 करोड़ 88 लाख लोगों से ज्यादा को लोन दिया जा चुका है। ये लोन तीन अलग अलग कैटेगरी शिशु, किशोर और तरुण के तहत दिए जाते हैं। शिशु के तहत 50 हजार रु तक, किशोर के तहत 5 लाख रु तक और तरुण के तहत 5 लाख से 10 लाख रु तक के लोन दिए जाते हैं। जो किसी कारोबार को शुरू करने के लिए किशोर कैटेगेरी का लोन यानी 5 से 10 लाख रु तक का लोन सबसे कारगर माना जाता है। लेकिन अब तक इस कैटेगीर में लोन पाने वालों की संख्या सिर्फ 1.3 फीसदी है। यानी 12 करोड़ 78 लाख लोगों में से सिर्फ 17 लाख 57 हजार लोगों को ही मोटी रकम का लोन मिला है। अगर कारोबारी साल 2018-19 के आंकड़ों पर नजर डालें तो कुल 6 करोड़ 97 लाख लोगों को लोन मिला। इनमें से 91 फीसदी लोग तो वो हैं जिन्हें 50 हजार रु से कम का ही लोन मिला है। जबकि 5 लाख रु तक के लोन पाने वालों की संख्या 6.7 फीसदी है। जबकि 5 लाख रु से ज्यादा पाने वालों की संख्या सिर्फ 1.3 फीसदी है। यानी मुद्रा योजना के तहत लोन पाने वालों की संख्या के आधार पर ये मान लेना कि उतने लोगों को रोजगार मिल गया शायद गलता ही होगा। इतना ही नहीं सरकारी दबाव में भले ही बैंक मुद्रा लोन बांट रहे हों लेकिन आगे चलकर ये बैंकों की सेहत के लिए चिंता बन रहा है क्योंकि छोटे लोन में बैंकों को फायदा कम खर्च ज्यादा होता है। तो इस मसले पर भी इस सरकार को जबाब देना चाहिए।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सचिव तथा पूर्व सीपीएस व पूर्व विधायक घुमारवीं राजेश धर्माणी ने प्रदेश सरकार से कड़े शब्दों में मांग की है कि स्वास्थ्य घोटाले की जांच को किसी सिटिंग जज से करवाई जाए। वह बिलासपुर में पत्रकारों से बात कर रहे थे उन्होंने कहा कि कितनी हैरानी की बात है कि भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष को इस मामले में त्यागपत्र देना पड़ा। उन्होंने कहा कि इस मामले में कई बड़ी हस्तियां, कई बड़े अधिकारी व बिजनेसमैन भी इसमें शामिल हैं इसलिए अगर वर्तमान सिटिंग जज से जांच करवाई जाए तो दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि अगर भाजपा नैतिकता के आधार पर अपने पार्टी के राज्य अध्यक्ष के त्यागपत्र की बात कर रही है तो और भी नैतिक आधार पर त्यागपत्र दे सकते हैं क्योंकि कोरोना महामारी के दौरान यह घोटाला सामने आया है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के मेडिकल कॉलेजो, सीएमओ के कार्यालयों, हिमफैड तथा डिस्ट्रिक्ट फेडरेशन को भी जांच के दायरे में लाया जाना चाहिए क्योंकि इनके माध्यम से भी सप्लाई हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि शिमला आईजीएमसी के प्रधानाचार्य डॉ मुकंदलाल का तबादला भी इसलिए किया गया क्योंकि वह सरकार के मन मुताबिक काम नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने कहा कि डॉ मुकंद अपनी ईमानदारी के लिए जाने जाते हैं और इसका खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ा। उन्होंने कहा कि सरकार पूरी तरह से भ्रष्ट हो गई है और उस पैसे को भी चहेतों को उड़ा रही है जो लोगों ने कोरोना महामारी से निपटने के लिए दिया है। पत्रकार वार्ता में जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्षा अंजना धीमान और कांग्रेस महासचिव तथा पूर्व प्रवक्ता संदीप सांख्यान भी उपस्थित रहे।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटिड से प्राप्त जानकारी के अनुसार 13 जून, 2020 को जिला के धर्मपुर क्षेत्र में 33 केवी विद्युत उपकेन्द्र की मुरम्मत के दृष्टिगत विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। यह जानकारी विद्युत उपमंडल धर्मपुर के सहायक अभियंता गौरव अधीर ने दी। उन्होंने कहा कि 13 जून 2020 को उपरोक्त के दृष्टिगत प्रातः 10.00 बजे से सांय 6.00 बजे तक धर्मपुर बाजार, सुबाथू रोड़, कानो, चैल दंगियारी, रौड़ी, मंगोटी मोड़, मंदोदर, सनवारा, सनवार गांव, बोहली, कुम्हारहट्टी, भोजनगर, डगशाई, सुल्तानपुर, गांधीग्राम, नारायणी, ममू, एम.प.स. फार्मा, आरबी नेट, अरूण केमिकल्स, जंगल लाॅज, पीए पिनियन, वुड क्रीक होटल, बिन्नीज रिजाॅर्ट, रामदा होटल, बावा रिजाॅर्ट विस्परिंग विंड्स, कसौली काॅन्टिनेंटल रिजाॅर्ट, विन्डसर रिजाॅर्ट, कसौली इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल, पाईनग्रोव स्कूल, गोपाल स्वीट्स, राॅक रोज़ होटल तथा साथ लगते क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने लोगों से इस अवधि के दौरान सहयोग की अपील की है।
अर्की के ऐतिहासिक व पौराणिक बणिया देवी ( ग्यासी माता) मन्दिर में हर वर्ष की भांति 16 जून को होने वाले मेले को वैश्विक महामारी कोविड 19 के चलते स्वास्थ्य मंत्रालय के दिशानिर्देशानुसार नही मनाया जाएगा। अतः हर वर्ष की भांति मेले में आने वाले व्यापारियों व श्रद्धालुओ को सूचित किया जाता है कि वह सरकार के निर्देशों की पालना करते हुए अपने घरों में ही रहे। यदि कोई अपनी मन्नत या दान देना चाहता है तो मन्दिर के अकाउंट दुर्गा देवी मंदिर गांव घरनो p/o बखालग, आईएफसी कोड ucba-0000392, a/c नम्बर 03920100005232 में ऑन लाइन जमा करवा सकते है।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि देश के विभिन्न हिस्सों से हिमाचल प्रदेश आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की समुचित चिकित्सीय जांच की जाए ताकि यह सुनिश्चित बनाया जा सके कि उनमें कोविड-19 का कोई लक्षण नहीं है। मुख्यमंत्री शिमला से वीडियो काॅन्फ्रेंसिग के माध्यम से प्रदेश के सभी उपायुक्तों, पुलिस अधीक्षकों और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में आने वाले तथा राज्य से बाहर जाने वाले लोगों के लिए मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) का सख्ती से पालन किया जाना चाहिए तथा हाॅट-स्पाॅट से आए लोगों की जांच पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि हाॅट-स्पाॅट से आने वाले लोगों की कोरोना संक्रमण के लिए जांच अनिवार्य है तथा जांच रिपोर्ट नेगेटिव आने पर ही उनको होम क्वारंटीन की अनुमति प्रदान की जाए। जय राम ठाकुर ने कहा कि कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए एहतियाती उपायों जैसे मास्क का प्रयोग, शारीरिक दूरी बनाए रखना और जुकाम जैसे लक्षण सामने आने पर चिकित्सीय सलाह लेना आदि सुनिश्चित बनाने के लिए सूचना, शिक्षा और प्रसार पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि लोगों को सार्वजनिक स्थानों पर जाने से बचने तथा कार्यस्थलों पर आपस में उचित दूरी बनाए रखने के लिए जागरूक किया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि घर पर क्वांरटाइन की सुविधा को अधिक प्रभावी बनाया जाना चाहिए तथा उल्लघंन करने वालों से सख्ती से निपटा जाए। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य कार्यकर्ता, आशा कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों को अग्रसक्रियता दिखानी चाहिए ताकिघर पर ही क्वांरटाइन किए गए संक्रमित लोग इस वायरस को आगे न फैलाएं। जय राम ठाकुर ने कहा कि सेब बहुल क्षेत्रों में श्रमिकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के प्रयास किए जाने चाहिए ताकि बागबानों को असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि राज्य से बाहर से आए श्रमिकों की स्वास्थ्य जांच की जानी चाहिए और यदि आवश्यक हो तो उन्हें भी क्वांरटाइन किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य के आम बहुल क्षेत्रों में भी उपयुक्त श्रमिकों की व्यवस्था के लिए पग उठाए जाने चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के लगभग 1.92 लाख लोग देश के विभिन्न हिस्सों से वापस पहुंचे हैं तथा सभी को क्वांरटीन किया गया है। इसलिए राज्य में तेज़ी से बढ़ रहे कोविड-19 संक्रमित मरीज़ों की संख्या से आम लोगों को घबराने की आवश्यकता नही हैं। मुख्य सचिव अनिल खाची ने उपायुक्तों को केन्दª सरकार और राज्य सरकार द्वारा जारी किए गए दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए। पुलिस महानिदेशक संजय कुण्डू, अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य आर.डी धीमान, प्रधान सचिव राजस्व ओंकार शर्मा और अन्य वरिष्ठ अधिकारी बैठक में उपस्थित थे।
वन मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने विपक्ष द्वारा सरकार पर लगाए जा रहे भ्रष्टाचार के आरोपों को ओच्छी राजनीति से पे्ररित करार दिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार भ्रष्टाचार के प्रति ‘जीरो टोलेरेन्स’ सिद्धान्त पर कार्य कर रही है और अब तक का अढाई साल का कार्यकाल अभूतपूर्व उपलब्धियों से भरा रहा है। उन्होंने कहा कि पटवारी भर्ती परीक्षा में हुई अनियमितता की याचिका को उच्च न्यायालय ने खारिज कर दिया है जबकि वेंटीलेटर खरीद मामले में भी प्रदेश सरकार पर कोई आरोप सिद्ध नहीं हुआ है। विपक्ष तथ्यों के बिना सरकार की छवि को धूमिल करने के उद्देश्य से झूठे आरोप लगा रहा है क्योंकि उसके पास कोई ठोस तथ्य नहीं है। वन मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने राज्य का तीव्र और संतुलित विकास सुनिश्चित बनाया है और समाज के हर वर्ग के हितों को ध्यान में रखते हुए अनके कल्याणकारी योजनाएं शुरू की हैं। मुख्यमंत्री सेवा संकल्प हैल्पलाईन, मुख्यमंत्री कन्यादान योजना, गृहणी सुविधा योजना, हिमकेयर जैसी कई योजनाओं से प्रदेश के लाखों लोग लाभान्वित हो रहे हैं। लेकिन विपक्ष इस विकास को पचा नहीं पा रहा है और केवल आलोचना करने के लिए कांग्रेस के नेता अनाप-शनाप बयानबाजी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेता यह बात भूल गए हैं कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान प्रदेश में भ्रष्टाचार का बोलबाला था और कांग्रेसी नेता केवल अपने रिश्तेदारों को लाभ पहुंचा रहे थे। उनका प्रदेश के विकास तथा लोगों के कल्याण की ओर कोई ध्यान नहीं था और कई प्रकार के माफिया सक्रिय थे। उन्होंने केवल अपने बचाव में पांच वर्ष व्यतीत कर दिए और प्रदेश व लोगों के हितों की पूरी तरह अनदेखी की। गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि कोविड महामारी के इस संकटकाल में प्रदेश के मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने कई ठोस कदम उठाए हैं। प्रदेश के लोगों की बाहरी राज्यों से घर वापसी, राशन किट, मास्क, दवाइयां, सेनेटाइजर वितरित करने सहित राज्य सरकार ने लोगों को सुविधाएं प्रदान करने के उद्देश्य से कई सराहनीय कार्य किए हैं। मुख्यमंत्री द्वारा राज्य में कोरोना महामारी से प्रभावित तरीके से निपटने के प्रयासों की स्वयं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सराहना कर चुके हैं और अन्य राज्यों से हिमाचल से सीख लेने की बात भी कही है। प्रधानमंत्री द्वारा दिए गए 20 लाख करोड़ रुपये के आर्थिक पैकेज का लाभ भी सीधे प्रदेशवासियों तक पहुंचाया जा रहा है। उज्जवला योजना के अंतर्गत 1.36 लाख गैस सिलैंडर मुफ्त प्रदान किए गए हैं और प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत किसानों को 8.74 लाख रुपये आबंटित किए गए हैं। इन्ही प्रयासों के फलस्वरूप मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर को देश का ‘बेस्ट परफाॅर्मिंग मुख्यमंत्री’ आंका गया है। उन्होंने विपक्ष के नेताओं को सलाह दी है कि अनर्गल बयानबाजी के बजाय प्रदेश के विकास और लोगों के कल्याण के लिए सरकार के प्रयासों को समर्थन प्रदान करें तथा भ्राम बयानबाजी के जरिये लोगों को गुमराह करने के प्रयास नहीं करें।
कुनिहार बाज़ार में पेय जल की सप्लाई अब एक दिन की बजाये 2 दिन छोड़ कर दिए जाने से लोगों में भारी रोष व्याप्त है। वार्ड नंबर 1, 2, 5 और 6 के उपभोगताओ गोपाल कृष्ण, इंद्र पाल शर्मा, वार्ड मेम्बर कमला देवी, मीना देवी, अनिल कुमार, देवी राम, कृष्णा देवी,रक्षा देवी राजिंदर कुमार, कमल किशोर, लता देवी, सोहन लाल, रमेश शर्मा, गुरु राम, रमेश खुराना, श्यामलाल, बल राम, कुलदीप कुमार, मीरा देवी,सहित काफी संख्या में लोगों ने विभाग के खिलाफ पानी की सप्लाई में अनियमिताओ के आरोप लगाए। दर्जनो लोगो ने विभाग के कार्यालय के बाहर खाली बर्तनो के साथ विभाग के खिलाफ जोरदार नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। प्रेस को जारी बयांन में एयरपोर्ट कमेटी के निर्देशक और भाजपा जिला सोलन के मीडिया सह प्रभारी इंद्रपाल शर्मा ने कहा की शहर में पानी की अव्यवस्था को लेकर गत दिनो अधिशाषी अभियंता अर्की, सहायक अभियंता सुबाथू, जे ई कुनिहार व स्टाफ के साथ शहर के प्रमुख लोगों और जन प्रतिनिधियो ने कुनिहार में बैठक कर सारी स्थिति से अवगत करावाया गया था जिसपर उन्होने बताया था, कि कुनिहार में पानी की कमी नही है व क्षेत्र में पेय जल सप्लाई को ठीक किया जायेगा। पुरे शहर में एक दिन छोड़ कर सभी को पानी दिया जायेगा। लेकिन दो दिनो के बाद ही जे ई कुनिहार ने पय जल आपूर्ति एक दिन छोड़ कर देने की बजाए 2 दिन बाद पानी की सप्लाई शुरू कर दी। इस सम्बंध में जब जे ई से बात की तो उन्होने कहा की अब 2 दिन छोड़ कर ही पानी मिलेगा। जब की शहर की मुख्य सड़क मार्ग पर हर रोज पेय जल सप्लाई चल रही है, जो की गलत है, जिस पर अभी तक कोई कार्यवाही नही हुई है। हाटकोट के उक्त वार्ड के लोगो ने रोष प्रकट करते हुए कहा है कि पेय जल की समस्या यदि जल्द हल नही हुई तो हम आंदोलन करने से भी परहेज़ नही करेंगे। जनता अब इस मामले को 1108 के माध्यम से मुख्यमंत्री के समक्ष तो उठाएगा ही, साथ ही प्रदेश जल शक्ति विभाग को भी इस समस्या से रूबरू करवाएगा। इस बारे में सहायक अभियंता मुनीश शर्मा ने बातचीत में बताया कि जाबलु पेयजल योजना पर अतिरिक्त मशीनरी लगवाई जा रही है, जिस कारण पेयजल आपूर्ति तीसरे दिन की गई है। गर्मियों में लोगो को पानी की समस्या न हो इसलिए विभाग इस योजना पर नई मशीनरी लगवा रहा है। नई मशीनरी के सुचारू रूप से चलने पर लोगो को पहले की तरह पेयजल आपूर्ति होने लगेगी।
वीरवार कुल्लू पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने एक व्यक्ति को 42 किलो चरस के साथ गिरफ्तार किया है। बंजार थाना की टीम ने हेड कांस्टेबल जगदीश के नेतृत्व में फागू पुल के पास चेकिंग के दौरान पिकअप एचपी 41-0675 के चालक, लीलाधर पुत्र सुदर्शन निवासी रिवालसर जिला मंडी से 42.05 किलो चरस बरामद की है। पुलिस ने उपरोक्त को गिरफ्तार कर लिया है और आगामी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। पिछले 17 सालों में पकड़ी गई चरस की यह सबसे बड़ी खेप है। इसी के साथ कुल्लू पुलिस ने जुलाई 2019 से लेकर अब तक करीब 218 किलो चरस बरामद की है और सप्लायर्स के खिलाफ सख्त कार्रवाई करके उन्हें गिरफ्तार भी किया है। इससे पूर्व बंजार पुलिस टीम ने एक व्यक्ति से आठ किलो चरस बरामद की थी। इसमें बंजार पुलिस थाना की टीम लगातार ड्रग्स के बड़े बड़े माफिया को बड़ी खेप के साथ गिरफ्तार कर रही है। मामले की पुष्टि करते हुए पुलिस अधीक्षक कुल्लू गौरव सिंह ने बताया कि बंजार पुलिस ने 42.5 किलो चरस के साथ एक आरोपित को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच आरंभ कर दी है।
डॉ वाई एस परमार राजकीय मेडिकल कॉलेज नाहन में स्थापित कोविड-19 परीक्षण प्रयोगशाला का शुभारम्भ उपायुक्त सिरमौर डॉ आर के परुथी की मौजूदगी में हुआ। शुभारम्भ के बाद 22 सैम्पल्स का प्रथम बैच प्रयोगशाला में लिया गया। डॉ परुथी ने कॉलेज प्रबंधन को बधाई देते हुए कहा कि इस प्रयोगशाला के शुरू होने से अब कोविड-19 के सैम्पल्स की जाँच में तेजी आएगी जिससे संक्रमित व्यक्ति की पहचान करने में आसानी होगी और इस सक्रंमण को फैलने से रोका जा सकेगा। उन्होंने बताया कि कोविड-19 परीक्षण प्रयोगशाला के महत्व और आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट, सिरमौर ने इस प्रयोगशाला के लिए 1.18 करोड़ की राशि मुहैया करवाई थी। कोविड-19 परीक्षण प्रयोगशाला आयुर्वेदिक अस्पताल के भूतल में स्थापना की गई है। उन्होंने बताया कि वक्त के साथ इस प्रयोगशाला में टेस्टिंग की क्षमता को बढ़ाया जायेगा और जल्द ही पूरे जिले के सैंपल की जांच इस प्रयोगशाला में संभव होगी। इस अवसर पर कॉलेज प्रबंधन ने उपायुक्त सिरमौर को इस प्रयोगशाला के लिए किये गए उनके व्यक्तिगत प्रयासों के लिए धन्यवाद किया।
रूट मॉडल पब्लिक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला करसोग के विद्यार्थियों ने इस बार भी दसवीं की कक्षा की परीक्षा परिणाम में खूब नाम चमकाया। इस विद्यालय के विद्यार्थियों ने पहले भी कई बार शिक्षा बोर्ड की परीक्षाओं में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। मार्च 2020 में ली गई दसवीं कक्षा की परीक्षा में रुट मॉडल पब्लिक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला करसोग के 66 बच्चे बैठे थे, जिसमें से 65 बचें उत्तीर्ण हुए हैं। प्रथम स्थान अर्शिया गुप्ता 672 अंक, दूसरा स्थान स्नेहा वर्मा 666 अंक,तीसरा स्थान मौलिक गुप्ता 663 अंक, चौथा स्थान ऋजुल ठाकुर 662 अंक,पांचवा स्थान स्नेहा 657 अंक, छटा स्थानअमन वर्मा 652 अंक, सातवां स्थान मानवी महाजन 651अंक, इशिता का आठवा स्थान643 अंक,धर्मेंद्र कुमार नौंवा स्थान627 अंक, लोकेश 626 अंक लेकर दसवें स्थान पर रहे। इसी क्रम मे सोहनीराज 624,ईशान वर्मा 623,ऋतिक ठाकुर 621,प्रांजल ठाकुर 618,हितेश ठाकुर 617, अवनीश कुमार 617, निखिल 610, अश्मिता वर्मा 610 तुषार वर्मा 601 अंक प्रप्त किये।विद्यालय के 19 बच्चों ने 600 से अधिक अंक प्राप्त किए तथा बाकी के सभी बच्चे प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण हुए जो कि विद्यालय के लिए बड़े हर्ष की बात है। विद्यालय प्रधानाचार्या श्रीमती नरेन्द्रा शर्मा ने इस मौके पर सभी बच्चों, अभिभावकों व अध्यापकों को बधाई दी औऱ कहा कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी बच्चों ने अच्छे अंक प्राप्त करके विद्यालय व अपना नाम, अपने अभिभावकों का नाम रोशन किया और बच्चों को संदेश दिया कि आज पूरी दुनिया कोरोना जैसी महामारी से लड़ रही है जिससे सभी को सचेत रहना चाहिए व हमारे विद्यालय में बच्चों की ऑनलाइन क्लासेज ली जा रही है बच्चों को उन्होंने मेहनत करते रहने का भी संदेश दिया और बच्चों को संदेश दिया कि वे सुरक्षित रहें स्वस्थ रहे।
एस वी एन पब्लिक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कान दसवीं कक्षा का बोर्ड परीक्षा परिणाम सराहनीय रहा। सत्र 2019 में इस पाठशाला के 44 बच्चों ने बोर्ड परीक्षा दी जिसमें अनुभव ठाकुर ने प्रथम, एनेक्स पाल, आकाश, आर्यन चौहान ने दूसरा व भुवनेश्वर ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। विद्यालय के अधिकतर बच्चों ने 80% से अधिक अंक प्राप्त किए। इस प्रकार हिंदी विषय में 6 बच्चों ने 98 अंक प्राप्त कर इतिहास रचा। अंग्रेजी विषय में आर्यन चौहान ने 92 अंक प्राप्त किए। गणित में अनुभव ने 93, विज्ञान विषय में आकाश कुमार ने 92, सामाजिक विज्ञान में रितिका धवन ने 94, संस्कृत विषय में एनेक्स पाल ने 92 और कंप्यूटर साइंस में दिव्यांशी और भुवनेश्वर ने 99 अंक प्राप्त कर अपने अध्यापकों व अभिभावकों का नाम रोशन किया। खुशी के इस अवसर पर प्रधानाचार्य टी सी गर्ग ने बच्चों अध्यापकों व अभिभावकों को बधाई देते हुए बच्चों को आगे बढ़ते रहने की प्रेरणा दी ताकि वह हमेशा अपने अभिभावकों अध्यापकों व पाठशाला का नाम रोशन करते रहें।
हिमाचल प्रदेश पूर्व सैनिक लीग, मंडी के अध्यक्ष कर्नल प्रताप सिंह ने एचपी एसडीएमए कोविड-19 स्टेट डिजास्टर रिस्पाॅंस फंड के लिए 2.25 लाख रुपये का चैक मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर को भेंट किया। इस फंड के लिए अर्की क्षेत्र के लोगों की ओर से सोलन जिले के अर्की विधानसभा क्षेत्र के भाजपा नेता राम रतन पाल ने भी 1.76 लाख रुपये का चैक मुख्यमंत्री को भेंट किया। राज्य ऊर्जा निगम की इंजीनियर वेलफेयर एसोसिएशन की ओर से एसोसिएशन के अध्यक्ष ने 1,05,000 रुपये का चैक इस फंड के लिए भेंट किया। राज्य बिजली बोर्ड के सेवानिवृत्त वरिष्ठ कार्यकारी अभियंता मनोहर सिंह ने इस कोष के लिए 15000 रुपये का व्यक्तिगत योगदान किया।
जिला कांग्रेस सेवा दल के जिला अध्यक्ष तिलक राज शर्मा ने कहा है कि प्रदेश में कांग्रेस पार्टी और इससे संबन्धित सभी संगठनों को सशक्त अथवा मजबूत करने के लिए कांग्रेस पार्टी ने यहाँ जिला में अभियान चला रखा है। उन्होने कहा कि इसी कड़ी में बुधवार को शहरी कांग्रेस सेवा दल के राकेश ठाकुर को प्रधान और मनीष शर्मा को महासचिव नियुकत किया गया है। तिलक राज शर्मा ने कहा कि इन दोनों ही युवाओं की इस नियुक्ति से जहां संगठन को मजबूती मिलेगी, वहीं कांग्रेस पार्टी से अधिकाश युवाओं को जोड़ने में भी सफलता मिलेगी।
कांग्रेस सेवा दल के जिला अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक तिलक राज शर्मा की अध्यक्षता में सेवा दल का एक बड़ा शिष्ट मण्डल उपायुक्त राजेश्वर गोयल से मिला और उन्हें महामहिम राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय को प्रेषित करने के लिए एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन में कहा गया है कि जब सारा प्रदेश भयानक महामारी कोरोना वायरस से बचाव के लिए जूझ रहा है, तो प्रदेश सरकार का स्वास्थ्य विभाग कथित भ्रष्टाचार करने में व्यस्त है। शिष्ट मण्डल ने कहा कि औडियो क्लिप से स्पष्ट है कि इस घोटाले में कुछ बड़े लोग भी शामिल हैं, जिन्हें भी जांच के दायरे में लाया जाना चाहिए और जांच को हाई कोर्ट के किसी जज से करवाया जाना चाहिए, ताकि सच्चाई सबके सामने आ सके और दोषियों को दंडित किया जा सके। उन्होने ज्ञापन में मांग की है कि स्वास्थ्य विभाग में की गई दवाइयों व उपकरणों की खरीद बारे श्वेत पत्र जारी किया जाये तथा विधायकों व मंत्रियों द्वारा अपने सरकारी फंड से कितने व्यय से मास्क, सेनेटाईजर और पी पी ई किट्स बांटे गए, इसका पूरा विवरण सार्वजनिक किया जाए। तिलक राज शर्मा ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग में हुए कथित घोटालों के कारण सरकार की जनता में विश्वसनीयता पूरी तरह से समाप्त हो चुकी है। शिष्टमंडल ने किसानों व बागवानों को फसलों और फलों को असमय हुई भारी वर्षा व तूफान –आँधी के कारण हुए नुकसान की भरपाई के लिए उन्हें आर्थिक सहायता दिये जाने तथा आम व लीची आदि की हानि का तुरंत मुआवजा देने ,प्रदेश में लाक डाउन के कारण पर्यटन को पहुंची हानि के कारण होटल उदद्योग बुरी तरह से कुप्रभावित हुआ है, इसलिए इन उदद्योग को जीवित रखने के लिए विशेष आर्थिक पैकेज घोषित किए जाने की मांग की है। उन्होने कहा कि टेकसी ड्राईवर पर्यटन का एक अभिन्न अंग होते हैं ,जिन्हें भी इस दौरान काफी हानि उठानी पड़ी है ,इसलिए उन्हें भी उचित आर्थिक सहायता दी जाए ताकि वे अपने पाँव पर खड़े हो सकें । जिला अध्यक्ष ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उपरोक्त मांगों को तुरंत स्वीकार नहीं किया तो कांग्रेस सेवा दल आंदोलन चलाने पर विवश होगा जिसका सारा उत्तरदाईत्व भी सरकार पर ही होगा। शिष्ट मण्डल में अन्यों के अतिरिक्त , गुरदास सिंह सुमन, रोशन लाल शर्मा, राकेश शर्मा, अनिल चौहान, संजीव मल्होत्रा, संदीप ठाकुर, लक्ष्मण दास, लेख राम, राहुल चौहान, हेम राज ठाकुर, जसवंत धीमान, मनीष शर्मा, रमेश कुमार, देवराज और गौरव शर्मा उपस्थित रहे।
बिलासपुर जिला मुख्यालय से दस किलोमीटर दूर नौणी के पास राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर सड़क पर लोक निर्माण विभाग द्वारा तारकोल बिछाने का कार्य चलने से लम्बा जाम लग रहा है। यहां पर अव्यवस्था के चलते बिलासपुर व मंडी तथा हमीरपुर आदि जिलों के कितने ही क्षेत्रों से आने वाले सैकड़ों छोटे –बड़े वाहन तथा यात्री बसों और शिमला आईजीएमसी तथा चंडीगढ़ पीजीआई जाने वाले मरीज वाहन अथवा एम्बुलेंस घंटों तक रोकी जा रही हैं, जिस कारण लोगों को भारी गर्मी में कितनी ही कठिनाइयों को झेलने पर विवश होना पड़ रहा है। प्रिय दर्शनी महामाया चेरिटेबल ट्रस्ट के उपाध्यक्ष पुरंजन ठाकुर ने कहा कि किसी यह कार्य किसी ठेकेदार के माध्यम से करवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ठेकेदार की कथित ऊंची पहुँच के कारण उसे बेरोकटोक लोगों को परेशान करने और सड़क पर तारकोल बिछाने के नाम पर लोगों को घंटों तक रोकने की खुली छूट दे रखी है, जिस पर कड़ाई से अंकुश लगाया जाना चाहिए ताकि वहाँ घंटों तक जाम में फंसे रहने के कारण लोगों को अकारण परेशान होने से बचाया जा सके। उन्होने कहा कि बुधवार को नौणी के पास सैकड़ों वाहनों के लगे लंबे जाम में हजारों लोग बुरी तरह से परेशान हुए है। उन्होने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों और जिला प्रशासन से इस स्थल पर वाहनों का आवागमन सुचारु रूप से चलाए रखने के उचित प्रबंध करने की मांग की है, ताकि लोगों को आवश्यक राहत मिल सके।
राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने मोबाइल नेटवर्क संचालकों से अपनी सामाजिक जिम्मेदारी का निर्वहन करते हुए आम लोगों को कोरोना महामारी से रोकथाम के उपायों और सरकार की ओर से जारी किए गए दिशा-निर्देशों के बारे में जागरूक बनाने का आह्वान किया है। राज्यपाल राजभवन में प्रदेश के मोबाइल नेटवर्क संचालकों के उच्च अधिकारियों के साथ बातचीत कर रहे थे, जिनमें बीएसएनएल, एयरटेल, रिलायंस जियो और वोडा फोन इत्यादि शामिल थे। उन्होंने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि अधिकांश संचालक राज्य में बेहतरीन सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। उन्होंने संचालकों से जनजातीय क्षेत्रों सहित समाज के कमजोर वर्गों और किसानों को और बेहतर सेवाएं प्रदान करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के लोगों को लाभान्वित करने के लिए आॅप्टिकल फाइबर और डिजिटल इंडिया पर कार्य में तेजी लाई जाए। राज्यपाल ने कहा कि इस पहाड़ी राज्य में संचार के क्षेत्र में कई चुनौतियां हैं। कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के कारण लोग संचार प्रणाली पर अधिक निर्भर हैं। उन्होंने कहा कि कोविड-19 के दृष्टिगत लगाए गए लाॅकडाउन को खोलने की प्रक्रिया शुरू हो गई है, जिसे देखते हुए मोबाइल नेटवर्क संचालकों को लोगों को जागरूक करने की गतिविधियां बढ़ा देनी चाहिए। वे जागरूकता संदेशों जैसे कालर टयून, काॅल से पूर्व घोषणाओं आदि के माध्यम से लोगों को जागरूक कर सकते हैं। उन्होंने विभिन्न मोबाइल कम्पनियों के कोरोना योद्धाओं की सराहना की, जिन्होंने संकट के इस काल में कठिन परिश्रम कर मोबाइल सेवाएं जारी रखीं। राज्यपाल के सचिव राकेश कंवर, बीएसएनएल के राज्य नोडल अधिकारी चन्द्रमोहन, रिलायंस जियो के एचआर प्रमुख प्रशांत ठाकुर, एयरटेल के ऑपरेशन प्रमुख विपिन अहूजा, एयरटेल के उप महाप्रबन्धक गुरमेल सिंह, वोडाफोन के सर्कल हैड शशिकांत वर्मा बैठक में उपस्थित थे।
वन मंत्री गोविन्द सिंह ठाकुर ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से ‘एकीकृत विकास परियोजना’ (आईडीपी) के विकास कार्यों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि परियोजना का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संतुलन स्थापित कर कृषि के माध्यम से किसानों की आय में वृद्धि करने के साथ-साथ पंचायत स्तर पर लोगों को आजीविका तथा रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाना है। उन्होंने कहा कि इस परियोजना के अन्तर्गत वन, कृषि, बागवानी, पशुपालन, ग्रामीण विकास और पंचायती राज विभाग परस्पर जुड़े हुए हैं। एकीकृत विकास परियोजना के अन्तर्गत इस वित्त वर्ष 3181 हेक्टेयर क्षेत्रफल में लगभग 23 लाख पौधे रोपने के लक्ष्य को पूरा करने के लिए 30 करोड़ 75 लाख रुपये आबंटित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश की सभी पंचायतों में शीघ्र ही समितियों को गठित किया जाए, ताकि अधिक से अधिक ग्रामीणों तक इस परियोजना का लाभ पहुंचाया जा सके। गोविन्द सिंह ठाकुर ने कहा कि सीडीएम (क्लीन डवेल्पमेंट मैकेनिज़्म) के अन्तर्गत समूह पौधरोपण अभियान के माध्यम से कार्बन राजस्व से प्रदेश की लोगों की आय बढ़ाई जा सकती है। पौधरोपण द्वारा अभी तक लगभग दो करोड़ रुपये से अधिक के कार्बन राजस्व से लोगों को लाभान्वित किया गया है। इस बैठक में प्रधान मुख्य अरण्यपाल अजय कुमार सहित ज़िला परियोजना अधिकारियों ने भी भाग लिया।
भाजपा मंडल अर्की की बैठक मंगलवार सांय 4 बजे मण्डल अध्यक्ष डी.के उपाध्याय की अध्यक्षता में Webex App के माध्यम से सम्पन हुई। बैठक की जानकारी देते हुए मण्डल अध्यक्ष ने बताया कि बैठक में विशेष रूप से सामाजिक न्याय अधिकारिता व सहकारिता मंत्री डॉ राजीव सैजल, जिला प्रभारी पायल वैद्य, प्रदेश उपाध्यक्ष रतन सिंह पाल, शिमला संसदीय क्षेत्र के पूर्ण कालिक विस्तारक प्रियव्रत शर्मा उपस्थित रहे और उनका मार्ग दर्शन मिला। उन्होंने बताया कि केंद्र से प्रदेश और प्रदेश से मण्डल स्तर तक 6 जून से लेकर 30 जून 2020 तक जो भी कार्य किए जाने है उन पर वितारपूर्वक चर्चा हुई व केन्द्र में मोदी सरकार के गौरवमयी 1 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में 10 जून को शिमला संसदीय क्षेत्र मे होने वाली वर्चुअल रैली के लिए भी विशेष चर्चा हुई और साथ ही बैठक में नव नियुक्त जिला व मंडल मोर्चा के अध्यक्ष व पदाधिकारियों को बधाई दी गई।
हिमाचल प्रदेश शिक्षा बोर्ड द्वारा दसवीं कक्षा का परिणाम घोषित किया गया। इस परीक्षा में ईश्वरम्मा पब्लिक स्कूल दाड़लाघाट के विद्यार्थियों ने सराहनीय प्रदर्शन किया। विद्यालय के प्रधानाचार्य सुरेश ठाकुर ने बताया कि विद्यालय के सभी विद्यार्थी प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण हुए। विद्यालय की दसवीं कक्षा की छात्रा वर्षा शर्मा ने 700 में से 656 अंक प्राप्त करके प्रथम स्थान प्राप्त किया व द्वितीय स्थान पर तेजन्द्र वर्मा 700 में से 642 अंक प्राप्त किए व तृतीय स्थान पर कामना शर्मा ने 634 ओर चौथे स्थान पर निशांत गुप्ता ने 623 अंक प्राप्त कर विद्यालय का गौरव बढ़ाया। विद्यालय के सभी विद्यर्थियों ने 80% से अधिक अंक प्राप्त कर विद्यालय एवं अपने माता-पिता का नाम रोशन किया। इस अवसर पर प्रधानाचार्य सुरेश ठाकुर व सभी अध्यापकों ने सभी छात्रों व उनके अभिभावकों को बधाई दी। एसएमसी अध्यक्ष राजेश गुप्ता ने अध्यापकों, प्रधानाचार्य व बच्चों के माता-पिता को इस उपलब्धि के लिए बधाई दी व भविष्य में भी कड़ी मेहनत करने का संदेश दिया।
राष्ट्रीय हिन्दू युवा वाहिनी ने अपनी कार्यकारिणी का विस्तार करते हुए बुधवार को बिलासपुर के रूपेश भट्टी को जिलाध्यक्ष नियुक्त किया है। रूपेश भट्टी कि यह नियुक्ति राष्ट्रीय हिन्दू युवा वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रजत छाबड़ा, राष्ट्रीय संगठन मंत्री डा अरुण गौड़, हिमाचल प्रदेशाध्यक्ष विजयानंद भारती हिमाचल के प्रदेश संगठन मंत्री चंदेर्शेखर हिन्दू, हिमाचल के उपाध्यक्ष रमण सूद द्वारा की गई। राष्ट्रीय हिन्दू युवा वाहिनी के प्रदेश महामंत्री चंद्रशेखर हिन्दू ने इस मौके पर रूपेश भट्टी को बधाई दी तथा उन्हें आगे अपनी कार्यकरिणी का विस्तार करने के आदेश दिए तथा उन्हें कहा कि वह जिला कार्यकरिणी बनने के बाद खंड व पंचायत स्तर पर अपनी कार्यकरिणी का गठन करे। चंद्रशेखर हिन्दू ने कहा कि आजकल कोरोना महामारी के चलते देश भर में लॉकडाउन लगा हुआ है जिसके चलते संगठन अभी ऑनलाइन मीटिंग का आयोजन कर रहा है और सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुए किसी भी प्रकार की कोई बैठक या कार्यक्रम का आयोजन नही कर रहा। सभी सदस्यों से ऑनलाइन बैठक कर वार्तालाप कर रहा है। उन्होंने कहा कि इस लॉकडाउन में अपनी सेवाए दे रहे कोरोना योद्धाओं को भी संगठन सम्मान पत्र देकर सम्मानित कर रहा है।
दाड़लाघाट के अंतर्गत नायब तहसीलदार बसंतलाल राजटा ने दवाइयों के विक्रेता, बार्बर व ब्यूटी पार्लर की दुकानों का औचक निरीक्षण किया।इस दौरान नायब तहसीलदार बसंतलाल राजटा ने मौके पर दवाई विक्रेता व हेयर ड्रेसर सहित लोगों को सोशल डिस्टनसिंग की पालना और मास्क लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने दवाई विक्रेताओं को कहा की वह बिना डॉक्टर की पर्ची से बुखार, जुखाम व खांसी की दवाई न दे व इस तरह के मरीजों का पूरा ब्यौरा अपने पास रखें। उन्होंने ब्यूटी पार्लर व बार्बर से भी कहा की वो भी सभी लोगों का विवरण अपने पास रखें, जिनकी उन्होंने कटिंग की है। उन्होंने इन्हें यह भी कहा कि वो अपनी दुकानों को अच्छी तरह से सेनिटाइज करते रहें। इस अवसर पर उनके साथ उप तहसील के वरिष्ठ सहायक राजेन्द्र ठाकुर भी उपस्थित रहे।
कोरोना महामारी के चलते प्राचीन ऐतिहासिक शक्ति स्थल बाड़ीधार में इस वर्ष देव मिलन नहीं होगा। हर वर्ष 13 व 14 जून को होने वाले बाड़ीधार मेले के आयोजन में होने वाले देव मिलन को इस साल कोरोना महामारी के चलते नहीं कराया जाएगा। सरकार के आदेशों के ध्यान में रखते हुए कोरोना महामारी के चलते बाड़ादेव पांच पांडव मंदिर समिति सरयांज बाड़ीधार ने यह निर्णय लिया है। कमेटी के सहसचिव कमल कांत ने बताया कि इस वर्ष न ही किसी प्रकार के मेले का आयोजन किया जाएगा और न ही देव मिलन करवाया जाएगा। मेले का आयोजन हर साल 14 या 15 जून को संक्रांत के दिन किया जाता था, लेकिन इस वर्ष कोरोना महामारी के चलते इस मेले का आयोजन रद्द कर दिया गया है। मंदिर कमेटी ने समस्त जनता से आग्रह किया है कि अगर कोई व्यक्ति बाड़ादेव के पास मन्नत या चढ़ावा चढ़ाना चाहता है तो वह मंदिर कमेटी के खाते में ऑनलाइन पेमेंट जमा करा सकता है। जिसके लिए यूको बैंक सरयांज में खाता नंबर 33360110011454 तथा मंदिर कमेटी बुईला का खाता नंबर 33360110015261 खुला है जिसका आईएफएससी कोड ucb008336 रहेगा। मंदिर कमेटी के सह सचिव कमल कांत ने बताया कि इस आश्य का आदेश उपमंडल अधिकारी (नागरिक) अर्की से भी 8 जून को प्रधान मंदिर समिति सरयांज, देवथल व सारमा को जारी किया गया है,जिसमें उन्होंने बताया है कि इस मेले के आयोजन के लिए सरकार की तरफ से कोई भी अनुमति नहीं दी जा सकती है। अतः उनसे जारी अनुमति को भी रद्द समझा जाए।इस क्षेत्र के बुजुर्गों से जब इस बारे में बात की गई तो उन्होंने बताया कि यह घोर कलियुग आ गया है, जो देव मिलन में भी रुकावट पैदा कर दी। उल्लेखनीय है कि बाड़ी का मेला हिमाचल के अलावा पंजाब, हरियाणा, दिल्ली व राजस्थान तक मशहूर है।हर साल यहां हजारों के संख्या में पर्यटक व श्रद्धालु इस मेले का आनन्द लेने आते रहें, लेकिन इस वैश्विक महामारी ने देव मिलन को भी रुकवा दिया। लोगों ने परमात्मा के स्थानो को धन दोहन केंद्र बनाने के भी आरोप लगाने शुरू कर दिए है। लोगों ने बताया कि गत वर्षों में यहां पैसे के लिए लड़ाई की चरम सीमा पर पहुंच कर देव मिलन नहीं करवाया गया था। शायद इस से नाराज़ देवता ने महामारी को कारण बना कर देव मिलन स्वं ही रुकवा दिया। आस्था रखने वाले इस देव प्रकोप बता रहे है। लोग कुछ भी सोचे व बोले मेला कमेटी ने अपना निर्णय सुना दिया है कि इस वर्ष ना मेला आयोजित किया जाएगा ना ही देव मिलन करवाया जाएगा। उधर, उपमंडलाधिकारी अर्की विकास शुक्ला ने लोगों से आव्हान किया है कि यह मेला व देव मिलन कार्यक्रम इलाकावासियों की श्रद्धा व आस्था का प्रतीक है।लेकिन वैश्विक महामारी के चलते हमे घर पर रहना होगा। फिलहाल जब तक प्रदेश सरकार के मंदिरों का कपाट खुलने के आदेश नहीं आते तब उपमंडल में कोई भी देव कार्यक्रम नहीं किया जाएगा। वही उन्होंने मेला कमेटी का धन्यवाद किया कि कमेटी द्वारा पहले ही इस वैश्विक कोरोना महामारी में मेला रद्द करने का फैसला ले लिया था।
हिमाचल प्रदेश के मुख्य सचिव अनिल खाची ने आज वीडियो काॅन्फ्रेसिंग के माध्यम से सभी जिलों की आगामी मानसून सीजन की तैयारियों की समीक्षा की। यह जानकारी उपायुक्त सोलन केसी चमन ने दी। केसी चमन ने कहा कि मुख्य सचिव ने निर्देश दिए हैं कि आगामी वर्षा ऋतु के दृष्टिगत सभी विभाग आमजन की सुरक्षा के लिए समय पर परामर्श जारी करें और यह सुनिश्चित बनाएं कि यह परामर्श जन-जन तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि मुख्य सचिव ने निर्देश दिए हैं कि भूस्खलन तथा बाढ़ इत्यादि के कारण होने वाले नुकसान को न्यून करने के लिए लोक निर्माण विभाग त्वरित कार्यशील रहे। उन्होंने कहा कि वीडियो कान्फ्रेन्सिग में इस सम्बन्ध में सोलन जिला की तैयारियों के बारे में मुख्य सचिव को अवगत करवाया गया। इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त विवेक चंदेल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य, पूर्व मंत्री व नयना देवी जी विधानसभा क्षेत्र के विधायक राम लाल ठाकुर ने प्रदेश सरकार पर जबरदस्त निशाना साध दिया। राम लाल ठाकुर ने कि पिछले 3 महीनों से इस लग रहा है कि प्रदेश सरकार जबरदस्त कंफ्यूजन में है। प्रदेश सरकार के इस कंफ्यूजन का पता इसी बात से लगया जा सकता है कि प्रदेश सरकार के विभिन्न विभाग सुबह कुछ और अधिसूचना जारी करते हैं, दोपहर को कोई और शाम को कोई और अधिसूचना जारी करते है। प्रदेश सरकार के मुखिया और उनके सिपहेसालर हर फैसले के लिए दिल्ली के केंद्र सरकार का मुंह देखते नजर आते है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि उन्होंने आज तक ऐसी कंफ्यूज़न वाली सरकार पहले कभी नही देखी। उन्होंने कहा अब तो प्रदेश सरकार का काम इतना ढीला-ढाला हो चुका है कि जिला स्तर के अधिकारी भी सरकार की खिल्ली उड़ाने लगे हैं, और मजे की बात यह है कि प्रदेश सरकार के सिपहसालार सरकार के मुखिया के नाम के कसीदे पढ़ रहे है। राम लाल ठाकुर ने कहा प्रतिदिन हर बात तो प्रदेश की जनता के सामने हर दिन आ रही है लेकिन देखिए पुलिस महानिदेशक जैसे महत्वपूर्ण अधिकारी के कार्यलय में कोई कोविड 19 पॉजिटिव व्यक्ति बाहरी प्रदेश के बाहर से आकर चला जाता है और उस व्यक्ति की मृत्यु हो जाती है, अब प्रश्न यह उठता है कि उस व्यक्ति को संस्थागत क्वारंटाइन प्रदेश की सीमाओं पर क्यों नही किया गया? वह कैसे प्रदेश पुलिस के सबसे बड़े अधिकारी से मिल कर चला गया तो। राम लाल ठाकुर ने कहा कि प्रदेश का पुलिस महानिदेशक एक अति महत्वपूर्ण पद होता है अगर वहीं पर ऐसी धटना हो जाये तो आम आदमी के हालात प्रदेश में क्या होंगे। राम लाल ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार का न तो ओथेरेटेरिइन स्ट्रक्चर है और नही सिविल वेलफेयर स्ट्रक्चर कहीं दिखाई पड़ता है। राम लाल ठाकुर फिर से कहा कि यदि प्रदेश में सरकार चलाने में कोई दिक्कत हो रही है तो पूर्व में कांग्रेस के द्वारा चलाई गई योजनाओं से ही कुछ सीख ले लेनी चाहिए ताकि प्रदेश के हर आदमी तक योजनाओं का लाभ पहुँच सके।
राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हैंडबॉल खेल में जिला, प्रदेश व देश का नाम रोशन कर चुकी मोरसिंघी हैंडबाल नर्सरी की छात्राएं खेल में ही नही पढ़ाई में भी सबसे आगे हैं। गत दिवस स्कूल शिक्षा बोर्ड द्वारा घोषित 10वीं के परिणाम में नर्सरी की 14 छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन किया है। छात्राओं के इस शानदार प्रदर्शन से जहां उनकी कोच स्नेहलता, अभिभावक व मोरसिंघी स्कूल के अध्यापक भी खुश है। क्योंकि एक तरफ ये छात्राएं हैंडबॉल में राष्ट्रीय स्तर पर स्वर्ण पदक विजेता है वहीं अब 10वीं के परीक्षा परिणाम में भी शानदार अंक प्राप्त किए है। माना जाता है कि जो छात्र व छात्रा खेलों में रुचि रखता है वह पढ़ाई में कमजोर होता है लेकिन हर वर्ष विभिन्न क्लास के परीक्षा परिणामों में मोरसिंघी हैंडबॉल नर्सरी की छात्राओं ने लोगों की इस सोच को गलत साबित किया है। नर्सरी छात्राओं वंशिका मेहता ने 664, मेगना ने 540, जस्सी ने 523, अदिति ने 519, बबिता 491, पलक चौधरी व मानसी चन्देल ने 490, पायल ने 488, सपना चौहान ने 480, संजना ने 471, चंचल ने 443, अनुपम ने 426, अंजली ने 411, कृतिका ने 413, अंक प्राप्त किए। बता दें कि हाल ही लगे अंडर-16 भारतीय महिला हैंडबॉल प्रशिक्षण शिविर में अंजली, जस्सी व संजना प्रशिक्षण प्राप्त कर चुकी है।वहीं वंशिका मेहता हाल ही में अंडर-14 राष्ट्रीय हैंडबाल प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक हासिल करने वाली हिमाचल की टीम की कप्तान रही है। वहीं जस्सी अंडर-17 स्कूल हिमाचल टीम की कप्तान रही है जिसमे रजत पदक टीम ने हासिल किया है। संजना अंडर-15 सब जूनियर टीम की कप्तान रही जिसमे टीम ने स्वर्ण पदक हासिल किया था। ध्यान रहे कि मोरसिंघी पंचायत के बछड़ी गांव में राजनीतिक शास्त्र की प्रवक्ता व अंतरराष्ट्रीय हैंडबॉल खिलाड़ी स्नेहलता द्वारा मोरसिंघी हैंडबॉल नर्सरी के नाम से निशुल्क हैंडबॉल नर्सरी चलाई जा रही है। इस नर्सरी की महिला खिलाड़ियों ने देश में नर्सरी व अपनी कोच के साथ साथ जिला, राज्य का नाम भी रोशन किया है। नर्सरी की 17 महिला खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने खेल का लोहा मनवा चुकी है वहीं 100 के करीब महिला खिलाड़ी विभिन्न आयु वर्ग में राष्ट्रीय स्तर पर स्वर्ण, रजत व कांस्य पदक जीत चुकी है। इस छात्राओं के खेल व पढ़ाई में श्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए उनके अभिभावकों में खुशी की लहर है व उन्होंने इनके शानदार प्रदर्शन के लिए कोच व अध्यापिका स्नेहलता का धन्यवाद करते हुए सारा श्रेय उनके बेहतर मार्गदर्शन व कुशल प्रबंधन को दिया है। मोरसिंघी पंचायत प्रधान जगदीश ठाकुर के साथ सभी गांववासियों, मोरसिंघी स्कूल प्रधानाचार्य यशपाल जस्टा अभिभावकों व स्कूल अध्यापको ने सभी कि छात्रों, कोच स्नेहलता को बधाई दी है।
सदर विधानसभा क्षेत्र के युवा नेता आशीष ठाकुर की अगुवाई में एक प्रतिनिधिमण्डल उपायुक्त राजेश्वर गोयल से मिला, इस प्रतिनिधमंडल में कुहमझवाड़ पंचायत के प्रधान जगदीश ठाकुर व कुहमझवाड़ पंचायत के उपप्रधान धर्म सिंह ठाकुर विशेष रूप से उपस्थित रहे। प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधीश से मुलाकात कर उनके माध्यम से महामहिम राज्यपाल को ज्ञापन प्रेषित किया। ज्ञापन के माध्यम से युवा नेता ने बताया कि पिछले महीने की 10 तारीख को बिलासपुर जिला के स्वारघाट क्वारन्टीन सेंटर में कुहमझवाड़ पंचायत के लेंगड़ी गांव के हंसराज नामक युवक की मौत हो गई थी। मौत के बाद जनता के विरोध को देखते हुए मुख्यमंत्री हिमाचल प्रदेश सरकार जय राम ठाकुर ने उक्त मामले की मैजेस्ट्रीयल जांच के आदेश जारी किए थे जिसमें एडीएम बिलासपुर को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया था। मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को आदेश जारी किए थे कि उक्त मामले की जांच 5 दिन में पूरी की जाए,पर आज एक महीने का समय बीत जाने के बाबजूद जांच को सार्वजनिक नही किया गया है। आशीष ठाकुर ने ज्ञापन के माध्यम से राज्यपाल के ध्यानार्थ लाया की उक्त परिवार को आज तक उस युवक का मृत्यु प्रमाण पत्र तक नही जारी किया गया है। आशीष ठाकुर ने कहा कि हंस राज की मौत की गुथी सुलझाने के लिए राज्यपाल महोदय खुद हस्तक्षेप करे और सरकार एवम प्रशासन को आदेश जारी करे कि जल्द से जल्द कारवाही अमल में लाई जाए और दोषियों को सजा दिलवाई जाए। स्वास्थ्य विभाग ने बरती थी लापरवाही आशीष ठाकुर ने कहा कि उन्हें सूत्रों के हवाले से ज्ञात हुआ है कि 10 तारीख को जब उस युवक की मौत हुई थी और उसे स्वारघाट क्वारन्टीन सेंटर से क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर लाया गया था तो स्वास्थ्य विभाग द्वारा बहुत बड़ी लापरवाही बरती गई थी और उस युवक को चिकित्सकीय मदद जो मिलनी चाहिए थी उससे वंचित रखा गया। उन्हें मालूम हुआ है कि जैसे ही हंसराज को क्षेत्रीय अस्पताल लाया गया उसे सबसे पहले अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में ले जाया गया फिर वँहा कुछ लोग शोर मचाने लग गए फिर उसे स्ट्रेचर के द्वारा अस्पताल के प्रांगण में लाया गया जंहा लग्भग डेढ़ घण्टे तक उसी स्थिति में वँहा स्ट्रेचर पर रखा गया उसके बाद एक व्यक्ति ने उसे घसीटते हुए दूसरी 108 सेवा की गाड़ी में डाल दिया गया और वह गाड़ी भी अस्पताल में लग्भग 2 घण्टे के लिए खड़ी रही। अगर उक्त युवक को सही समय पर चिकित्सकीय सहायता मिल जाती तो शायद वह युवक आज ज़िंदा होता। आशीष ठाकुर ने स्वास्थ्य विभाग से मांग की है कि 10 मई की सीसीटीवी फुटेज उक्त व्यक्ति के परिवार को सौंपी जाए ताकि सचाई लोगो के सामने आ सके। किसी ने भी नहीं पहुँचाई आज तक आर्थिक मदद युवा नेता ने कहा कि उक्त युवक बहुत ही निर्धन परिवार से सम्बन्ध रखता है,मौत के बाद आज तक सरकार और प्रशासन की तरफ से किसी भी तरह की आर्थिक मदद उक्त परिवार को नही पहुंचाई गई। युवा नेता नर कहा कि उन्हें पूर्व विश्वास है कि राज्यपाल महोदय इस मामले में खुद हस्तक्षेप करेंगे और उक्त परिवार को न्याय मिलेगा और दोषियों के खिलाफ कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। अगर 15 दिनों में जांच सार्वजनिक न हुई तो होगा आंदोलन ग्रामीणों ने कहा कि अगर 15 दिनों में उक्त मामले की जांच को पूर्ण कर सार्वजनिक नही किया गया तो क्षेत्र वासियों के साथ मिलकर एक बहुत बड़े आंदोलन की रूप रेखा तैयार की जाएगी और इस आंदोलन की पूरी जिम्मेदारी प्रदेश सरकार एवम जिला प्रशासन की होगी। इस मौके पर मृतक के दादा गजन राम, भाई देश राज, वार्ड सदस्या सर्लोचना देवी, मुंसी राम, बृज लाल, बाबू राम व कमल किशोर साथ रहे।


















































