सोलन: सोने के दाम लगातार बढ़ रहे है और स्वर्णकारों ने अनुसार दीपावली तक सोने के दामों में और इजाफा हो सकता है। बढ़ते दामों के देखते हुए इन दिनों ग्राहक खूब सोने के खरीददारी कर रहे है। वही सोलन के प्रसिद्ध भूषण ज्वेलर्स में भी इन दिनों ग्राहकों की भीड़ उमड़ रही है। ग्राहकों की मांग और पसंद को देखते हुए शोरूम प्रबंधन द्वारा इस वर्ष आभूषणों की विशेष रेंज तैयार करवाई गई है। हर वर्ग और तबके के ग्राहकों का ख्याल रखते हुए इन आभूषणों को तैयार करवाया गया है, जिन्हें ग्राहक खूब पसंद कर रहे हैं। भूषण जेवेलर्स में चाहे स्वर्ण आभूषण हो, हीरे के आभूषण या चांदी के आभूषण व अन्य वस्तुएं, भूषण ज्वेलर्स में बेहतरीन रेंज उचित दाम पर उपलब्ध है। इसमें एंटीक, कुंदन, टेंपल, पारंपरिक पहाड़ी ज्वेलरी की पूरी रेंज आकर्षक डिजाइन के साथ शोरूम में उपलब्ध है, जो ग्राहकों को खूब भा रही है। इसके अतिरिक्त चांदी के आभूषणों में बैंकॉक की ज्वेलरी, टरकियन, इटालियन चेन की विभिन्न किस्में भी ग्राहकों के लिए उपलब्ध है।
श्रावण मास के तीसरे सोमवार को एतिहासिक एवं प्राचीन स्वयं भू -शिवलिंग के दर्शनार्थ सुबह 5 बजे से ही श्रद्धालु भक्तों का तांता लगना शुरू हो गया| बम-बम भोले नाथ जी के जयकारे लगाते भक्तजन जलाभिषेक करते हुए बेलपत्री, भांग, धतूरा इत्यादि शंकर भगवान जी को अर्पित करते हुए नतमस्तक हुए|आज हजारों की संख्या में श्रद्धालु भक्तों ने अपनी मन्नते मांगी| सावन मास में भोलेनाथ की पूजा करने का विशेष महत्व होता है| इस दौरान संपूर्ण भक्ति का भरपूर फल मिलता है प्राचीन शिव मंदिर सुधार सभा काठगढ़ के प्रधान ओम प्रकाश कटोच,प्रेस सचिव सुरिंदर शर्मा,ने जानकारी देते हुए कहा कि सभा द्वारा अयोजित सावन मास महोत्सव की कड़ी में 6जुलाई से 14जुलाई तक जोगिंदर शास्त्री महाराज अरणीय जम्मू वाले जी द्वारा संगीतमय शिवपुराण कथा का आयोजन बाद दोपहर 2बजे से 4बजे तक किया जायेगा|
जिला पुलिस नूरपुर द्वारा नशे के खिलाफ चलाए गए अभियान के अंतर्गत 20 अप्रैल को पुलिस द्वारा थाना डमटाल के अधीन छन्नी में गुप्त सूचना के आधार पर नशा तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई अमल में लाई गई थी, जिसमें रूबी पत्नी अजय कुमार निवासी छन्नी तहसील इंदौरा जिला कांगड़ा के रिहायशी मकान से तलाशी के दौरान 26.18 ग्राम चिट्टा बरामद किया गया था , जिस पर उपरोक्त आरोपी को गिरफ्तार कर उस पर अभियोग की धारा 21 एनडीपीएस पंजीकृत किया गया था | उपरोक्त अभियोग की जांच के दौरान पाया गया कि आरोपी रूबी पत्नी अजय कुमार को एनडीपीएस एक्ट के अधीन दर्ज कई मामलों में गिरफ्तार किया गया था, तथा उसके कब्जे से कई बार हीरोइन बरामद हुई थी, लेकिन कई बार गिरफ्तार होने के बावजूद भी उसने नशे का अवैध व्यापार जारी रखा तथा नशे के व्यापार का आतंक अपराधी बन चुकी थी | जिस पर 8 मई 2024 को पुलिस अधीक्षक नूरपुर अशोक रतन के द्वारा एक प्रस्ताव होम सेक्रेटरी हिमाचल प्रदेश को भेजा गया था , जिस पर कार्रवाई करते हुए रूबी पत्नी अजय कुमार के खिलाफ डिटेक्शन ऑर्डर जारी किया है , जानकारी के लिए बता दे कि हिमाचल प्रदेश राज्य का तीसरा मामला है जिसमें डिटेक्शन अथॉरिटी के द्वारा किसी व्यक्ति के विरुद्ध निरुद्ध रखने के आदेश जारी किए हैं , किसी महिला को निरूद्ध रखने के मामले में या पहला मामला है, यहां पर यह भी वर्णित किया जाता है कि इससे पहले के दोनों मामले भी पुलिस अधीक्षक नूरपुर अशोक रतन द्वारा ही भेजे गए थे, जिस पर डिटेक्शन अथॉरिटी के द्वारा आरोपियों को निरुद्ध रखने के आदेश जारी किए गए थे|
विकासार्थ विद्यार्थी जिला नूरपुर द्वारा ,इंदौरा में पौधारोपण अभियान का आयोजन किया गया जिसमें मुख्य अतिथि ग्राम पंचायत भपू उप प्रधान अभिमन्यु कंवर जी विशिष्ट अतिथि सुनील दत्त और पंचायत प्रधान जुगाल किशोर रहे | विकासार्थ विद्यार्थी हर वर्ष पौधारोपण अभियान का आयोजन करती है इस बार जिला नूरपुर के इंदौरा स्थित घण्डरा में पौधारोपण अभियान का आयोजन किया गया। जिसमें इंदौर महाविद्यालय के छात्राओं और क्षत्रिय महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने और स्थानीय लोगों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया। पौधारोपण अभियान में कई प्रकार के पौधे रोपे गए। पंचायत उप प्रधान अभिमन्यु कंवर ने कहा कि वर्तमान समय, प्रकृति के साथ हो रहे दोहन को बचाने का समय है। पिछले कई सालों से हम देखते हैं कि बरसात के मौसम में हिमाचल प्रदेश में किस तरह से तबाही मचा रही है, इसके पीछे का कारण मनुष्य खुद है जो प्रकृति का दोहन शोषण कर रहा है अंधाधुन पेड़ काटे जा रहे हैं लेकिन विद्यार्थी परिषद विकासार्थ विद्यार्थी के माध्यम द्वारा हर साल प्रकृति को बचाने के लिए इस तरह के अभियान निरंतर करती रहती है जो कि अपने आप में सराहनीय कदम है। सुनील दत्त जी ने कहा आम जनमानस को भी इस तरह की संस्थाओं के साथ मिलकर प्राकृतिक को बचाने का संकल्प लेना चाहिए।
शिमला: प्रदेश में फिलहाल मानसून सामान्य चल रहा है आने वाले 7 और 8 अगस्त को प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश का पूर्वानुमान है शिमला मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक कुलदीप श्रीवास्तव ने बताया कि प्रदेश के तीन जिला चंबा, कांगड़ा और मंडी में कुछ चुनिंदा इलाकों में भारी बारिश हो सकती है. वहीं बीते 24 घंटों में प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में मॉनसून सामान्य रहा है| बीते 24 घंटे के दौरान हिमाचल प्रदेश में सामान्य बारिश रिकार्ड की गई है | इस दौरान बारिश का प्रभाव प्रदेश के उत्तर क्षेत्र में अधिक देखने को मिला है. खास तौर पर लाहौल स्पीति, किन्नौर और कल्लू ज़िला के ऊंचाई वाले इलाकों में अधिक बारिश दर्ज की गई है| उन्होंने कहा कि आगामी दिनों में भी प्रदेश कि ज्यादातर हिस्सों में सामान्य बारिश होने का अनुमान है. मगर 7 और 8 अगस्त की रात प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है| इस दौरान जिला चंबा, कांगड़ा और मंडी के कुछ हिस्सों में भारी बारिश होने का पूर्वानुमान है|
पांवटा साहिब: उपमंडल पांवटा साहिब के देवीनगर में पुलिस टीम ने एक नशा तस्कर के घर छापेमारी कर 59 लाख रुपए से अधिक की नकदी बरामद की है। आरोपी फरार हुआ है तथा पत्नी से पुलिस पुछताछ कर रही है। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार संजय कुमार पुत्र मंगत राम निवासी वार्ड नंबर 10 देवीनगर, पांवटा साहिब नशे का कारोबार करता है। रविवार को पांवटा साहिब पुलिस ने संजय कुमार के घर छापेमारी की। लेकिन आरोपी संजय कुमार छापेमारी से पहले ही घर से फरार हो गया। पुलिस ने घर की तलाशी के दौरान एक अलमारी में 500-500 के मंडल बरामद किए। जब पुलिस ने रुपए की गिनती की तो 59 लाख 10 हजार 100 रूपए निकले। पुलिस ने संजय कुमार की पत्नी पूनम से पैसे के मामले में पूछताछ कर रही है। बताया जा रहा है कि आरोपी संजय कुमार के घर 15 अगस्त, 2017 को छापेमारी की गई थी छापेमारी के दौरान आरोपी को 16.89 ग्राम स्मैउपमंडल पांवटा साहिब के देवीनगर में पुलिस टीम ने एक नशा तस्कर के घर छापेमारी कर 59 लाख रुपए से अधिक की नकदी बरामद की है। आरोपी फरार हुआ है तथा पत्नी से पुलिस पुछताछ कर रही है।क के साथ गिरफ्तार किया था। उसके बाद फिर पुलिस ने 6 फरवरी, 2020 को छापेमारी की थी, इस दौरान भी पुलिस ने आरोपी से 2.40 ग्राम स्मैक के साथ गिरफ्तार किया था। बताया जा रहा है कि आरोपी काफी समय से पांवटा साहिब में नशे का कारोबार करता है। रविवार को की गई छापेमारी में आरोपी के घर से लाखों रूपए की नकदी बरामद की गई है। जबकि आरोपी फरार हो गया है। पुलिस टीम इस मामले में गहनता से जांच कर रही है। उधर, एएसपी अदिति सिंह ने बताया कि पुलिस टीम ने एक व्यक्ति के घर में छापेमारी की है। छापेमारी के दौरान घर से 5910100 रूपए की नकदी बरामद हुई है। पुलिस इस मामले में जांच कर रही है।
शिमला: रामपुर के समेज गांव में बादल फटने से हुई त्रासदी के बाद आज पांचवे दिन सुन्नी डैम के करीब डोगरी से दो डेड बॉडी रिकवर की गई है। एक शव 14 से 17 साल की लड़की और दूसरा शव पुरुष का बताया जा रहा है. बीते कल भी सुन्नी डैम से एक युवती का शव बरामद किया गया था। ये शव समेज गांव में बाढ़ के कारण लापता हुए लोगों के हो सकते हैं, लेकिन अभी तक शवों की पहचान नहीं हो पाई है। अतिरिक्त उपायुक्त अभिषेक वर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि लड़की का शव सही हालात में है। वहीं पुरुष की शव क्षत विक्षत है। चेहरे की पहचान नहीं हो पा रही है। कुल्लू प्रशासन को भी इसके बारे में सूचना दे दी गई है. दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए सीएचसी सुन्नी के लिए भेज दिया गया है. सर्च ऑपरेशन तीव्र गति से चला हुआ है|
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज चौड़ा मैदान, शिमला से यातायात के सुचारू संचालन और सड़क सुरक्षा के दृष्टिगत शिमला और नूरपुर पुलिस जिला के लिए हाई विज़िबिलिटी क्षमता की 25 पेट्रोलिंग मोटर साइकिलों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में सड़क सुरक्षा में सुधार के लिए अनेक नवीन कदम उठाए गए हैं। प्रथम चरण के दौरान लगभग 3.72 करोड़ रुपये की लागत से शिमला के लिए 19 और नूरपुर पुलिस जिला के लिए छह पेट्रोलिंग मोटर साइकिलें प्रदान की गई हैं। शिमला जिला में पुलिस के लिए 30 हैंडहेल्ड स्पीड गन, 10 बॉडी वॉर्न कैमरे, 18 एल्को सेंसर, 30 वाहन संचालित गति संकेतों की स्थापना, 80 विस्तार योग्य अवरोध, 225 रिफ्लेक्टिव जैकेट, 115 रिचार्जेबल बैटन, 200 ट्रैफिक कोन, 70 इंटरलॉकिंग प्लास्टिक बैरिकेड और 30 सर्च लाइट उपलब्ध करवाई गई हैं। इसी तरह कांगड़ा और मंडी जिलों में सड़क सुरक्षा उपकरण उपलब्ध करवाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा यातायात प्रवर्तन, निगरानी, बचाव और सड़क दुर्घटनाओं के लिए आपातकालीन प्रतिक्रिया में पुलिस की क्षमता में सुधार के लिए 27 करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न प्रकार के उपकरणों की खरीद की जा रही है। उपकरणों में राजमार्ग पेट्रोलिंग के लिए शिमला, कांगड़ा और मंडी के लिए 42 चार पहिया वाहन और कांगड़ा और मंडी के लिए 27 दो पहिया वाहन, क्षेत्र प्रवर्तन के लिए 14 इंटरसेप्टर वाहन, बचाव कार्यों के लिए रेकर वाहन और हैंडहेल्ड स्पीड गन, बचाव कार्यों के लिए हाइड्रोलिक उपकरण, आपातकालीन बैग, वाहन संचालित गति संकेत सहित विभिन्न उपकरण खरीदे जा रहे हैं। इन उपकरणों की खरीद मार्च, 2025 से पहले पूरी कर ली जाएगी और इन्हें शिमला, कांगड़ा और मंडी जिलों के पुलिस स्टेशनों में वितरित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस के लिए विभिन्न गश्त निगरानी बचाव और आपातकालीन प्रतिक्रिया उपकरण खरीदने के लिए लगभग 90 करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है। शिमला में एकीकृत सड़क सुरक्षा प्रवर्तन प्रणाली स्थापित करने के लिए लगभग 61.57 करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है। यह प्रणाली शिमला, कांगड़ा, मंडी जिलों में विभिन्न सड़कों पर 214 चिन्हित स्थानों पर एआई सुविधा से लैस 532 कैमरों से जुड़ी होगी। उन्होंने कहा कि सड़क इंजीनियरिंग में सुधार के लिए लोक निर्माण विभाग के लिए दीर्घकालीन कार्य योजना, पुलिस के लिए गश्त, सड़क सुरक्षा प्रवर्तन में सुधार के लिए उपकरणों की खरीद सहित पुलिस और लोक निर्माण विभाग के इंजीनियरों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया है। कार्यक्रम के दौरान जिम, खाना क्लब मंडी की ओर से अध्यक्ष विकास कपूर और सचिव अचल कपूर ने मुख्यमंत्री राहत कोष के लिए दो लाख एक हजार रुपये का चेक मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू को भेंट किया। कार्यक्रम के दौरान लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह, मुख्य संसदीय सचिव राम कुमार चौधरी, विधायक हरीश जनारथा, उपाध्यक्ष वन विकास निगम केहर सिंह खाची, पुलिस महानिदेशक डॉ. अतुल वर्मा, एडीजीपी अभिषेक त्रिवेदी, निदेशक सूचना एवं जन संपर्क राजीव कुमार, आयुक्त नगर निगम भूपिंदर अत्री, हिमाचल प्रदेश सड़क एवं अवसंरचना विकास निगम के निदेशक पवन कुमार शर्मा और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सैनिक कल्याण मंत्री डॉ. (कर्नल) धनीराम शांडिल ने कहा कि हिमाचल प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री स्व. डॉ. यशवंत सिंह परमार के सरल जीवन से प्रेरणा लेकर हम सभी को अपने जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने चाहिएं। डॉ. शांडिल गत सायं सिरमौर कल्याण मंच सोलन द्वारा डॉ. यशवंत सिंह परमार की 118वीं जयंती पर आयोजित समारोह की अध्यक्षता कर रहे थे। डॉ. शांडिल ने कहा कि प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री स्व. डॉ. यशवंत सिंह परमार के कुशल नेतृत्व में किए गए संघर्ष के कारण ही आज हम सभी गर्व से हिमाचली कहलाते है। उन्होंने कहा कि डॉ. परमार का व्यक्तित्व निश्चल एवं अपनत्व से परिपूर्ण था और वह सदैव निस्वार्थ भावना से कार्य करते थे। उनके प्रयासों ने न केवल हिमाचल को पहाड़ी राज्य के रूप में पहचान मिली बल्कि उनके द्वारा प्रदेश के विकास की सुदृढ़ नींव भी रखी गई। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि डॉ. परमार ने पहाड़ के विकास के लिए अथक प्रयास किए और उनके द्वारा विकास की दिखाई गई राह पर चलकर आज हिमाचल देश में अन्य राज्यों के लिए विकास का आदर्श बनकर उभरा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश आज मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के कुशल नेतृत्व में डॉ. परमार के विकसित प्रदेश के लक्ष्य को पूरा करने के लिए संकल्पित होकर कार्य कर रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के युवाओं को स्वरोज़गार के पथ पर अग्रसर करने के लिए सरकार द्वारा विभिन्न योजनाएं आरम्भ की गई हैं ताकि डॉ. परमार के दिखाए गए मार्ग के अनुरूप हिमाचल को आत्मनिर्भर बनाया जा सके। डॉ. शांडिल ने कहा कि स्व. डॉ. यशवंत सिंह परमार का मानना था सड़कंे विशेष रूप से पहाड़ी क्षेत्र के विकास की भाग्य रेखाएं होती हैं और सड़क निर्माण पहाड़ को विकसित बनाने में महत्वपूर्ण है। इसी उद्देश्य की पूर्ति के लिए वर्तमान प्रदेश सरकार द्वारा राज्य की प्रत्येक ग्राम पंचायत को पक्की सड़क से जोड़ा जा रहा है ताकि ग्रामीणों की आर्थिक स्थिति और मज़बूत हो सके। डॉ. शांडिल ने इस अवसर पर तुलसी राम चौहान को डॉ. यशवंत सिंह परमार सम्मान और महिला स्वयं सहायता समूहों द्वारा संचालित ‘श्रीहाट’ को सिरमौर सम्मान से सम्मानित किया। उन्होंने इससे पूर्व स्व. डॉ. यशवंत सिंह परमार को कृतज्ञ प्रदेशवासियों की ओर से भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने इस अवसर पर सिरमौर कल्याण समिति को 05 लाख रुपए देने की घोषणा भी की। इस अवसर पर चूडेश्वर सांस्कृतिक दल द्वारा रंगारंग कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया गया। सिरमौर कल्याण मंच के अध्यक्ष प्रदीप ममगई ने मुख्यातिथि का स्वागत किया और विभिन्न मांगंे प्रस्तुत कीं।स्व. डॉ. यशवंत सिंह परमार के पौत्र आनन्द परमार इस अवसर पर विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज चौड़ा मैदान, शिमला से यातायात के सुचारू संचालन और सड़क सुरक्षा के दृष्टिगत शिमला और नूरपुर पुलिस जिला के लिए हाई विज़िबिलिटी क्षमता की 25 पेट्रोलिंग मोटर साइकिलों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में सड़क सुरक्षा में सुधार के लिए अनेक नवीन कदम उठाए गए हैं। प्रथम चरण के दौरान लगभग 3.72 करोड़ रुपये की लागत से शिमला के लिए 19 और नूरपुर पुलिस जिला के लिए छह पेट्रोलिंग मोटर साइकिलें प्रदान की गई हैं। शिमला जिला में पुलिस के लिए 30 हैंडहेल्ड स्पीड गन, 10 बॉडी वॉर्न कैमरे, 18 एल्को सेंसर, 30 वाहन संचालित गति संकेतों की स्थापना, 80 विस्तार योग्य अवरोध, 225 रिफ्लेक्टिव जैकेट, 115 रिचार्जेबल बैटन, 200 ट्रैफिक कोन, 70 इंटरलॉकिंग प्लास्टिक बैरिकेड और 30 सर्च लाइट उपलब्ध करवाई गई हैं। इसी तरह कांगड़ा और मंडी जिलों में सड़क सुरक्षा उपकरण उपलब्ध करवाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि सरकार यातायात प्रवर्तन, निगरानी, बचाव और सड़क दुर्घटनाओं के लिए आपातकालीन प्रतिक्रिया में पुलिस की क्षमता में सुधार के लिए 27 करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न प्रकार के उपकरणों की खरीद की जा रही है। उपकरणों में राजमार्ग पेट्रोलिंग के लिए शिमला, कांगड़ा और मंडी के लिए 42 चार पहिया वाहन और कांगड़ा और मंडी के लिए 27 दो पहिया वाहन, क्षेत्र प्रवर्तन के लिए 14 इंटरसेक्टर वाहन, बचाव कार्यों के लिए रेकर वाहन और हैंडहेल्ड स्पीड गन, बचाव कार्यों के लिए हाइड्रोलिक उपकरण, आपातकालीन बैग, वाहन संचालित गति संकेत सहित विभिन्न उपकरण खरीदे जा रहे हैं। इन उपकरणों की खरीद मार्च, 2025 से पहले पूरी कर ली जाएगी और इन्हें शिमला, कांगड़ा और मंडी जिलों के पुलिस स्टेशनों में वितरित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस के लिए विभिन्न गश्त निगरानी बचाव और आपातकालीन प्रतिक्रिया उपकरण खरीदने के लिए लगभग 90 करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है। शिमला में एकीकृत सड़क सुरक्षा प्रवर्तन प्रणाली स्थापित करने के लिए लगभग 61.57 करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है। यह प्रणाली शिमला, कांगड़ा, मंडी जिलों में विभिन्न सड़कों पर 214 चिन्हित स्थानों पर एआई सुविधा से लैस 532 कैमरों से जुड़ी होगी। उन्होंने कहा कि सड़क इंजीनियरिंग में सुधार के लिए लोक निर्माण विभाग के लिए दीर्घकालीन कार्य योजना, पुलिस के लिए गश्त, सड़क सुरक्षा प्रवर्तन में सुधार के लिए उपकरणों की खरीद सहित पुलिस और लोक निर्माण विभाग के इंजीनियरों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया है। कार्यक्रम के दौरान जिम, खाना क्लब मंडी की ओर से अध्यक्ष विकास कपूर और सचिव अचल कपूर ने मुख्यमंत्री राहत कोष के लिए दो लाख एक हजार रुपये का चेक मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू को भेंट किया। कार्यक्रम के दौरान लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह, मुख्य संसदीय सचिव राम कुमार चौधरी, विधायक हरीश जनारथा, उपाध्यक्ष वन विकास निगम केहर सिंह खाची, पुलिस महानिदेशक डॉ. अतुल वर्मा, एडीजीपी अभिषेक त्रिवेदी, निदेशक सूचना एवं जन संपर्क राजीव कुमार, आयुक्त नगर निगम भूपिंदर अत्री और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
डॉ. परमार का जीवन सभी के लिए प्रेरणास्रोतः मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज हिमाचल प्रदेश विधानसभा परिसर शिमला में हिमाचल निर्माता और प्रथम मुख्यमंत्री डॉ. यशवंत सिंह परमार की 118वीं जयंती के अवसर पर आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम की अध्यक्षता की। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि डॉ. परमार एक महान और दूरदर्शी व्यक्तित्व थे, जिन्होंने प्रदेश के विकास की मजबूत आधारशिला रखी। मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. परमार का सम्पूर्ण जीवन हिमाचल प्रदेश के लिए समर्पित रहा है। वर्तमान में प्रदेश विकास की राह पर अग्रसर है, यह डॉ. परमार का सपना था। डॉ. परमार ने प्रदेश का इतिहास ही नहीं, बल्कि भूगोल को भी बदला। उन्होंने प्रदेश की सीमाओं को और बड़ा किया। हिमाचल का अस्तित्व डॉ. परमार की अतुलनीय देन है। उन्होंने कहा कि डॉ. परमार को हिमाचल की संस्कृति और पर्यावरण के संरक्षक के रूप में भी जाना जाता है, उन्हें पर्यावरण से बहुत लगाव था। उन्होंने प्रदेश की सबसे बड़ी सम्पदा वनों के संरक्षण को सदैव ही अधिमान दिया। डॉ. परमार ने प्रदेश को हरित राज्य बनाने का मार्ग प्रशस्त किया। ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि हमें डॉ. परमार के सिद्धांतों और उनके दिखाए मार्ग पर चलने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान प्रदेश सरकार हिमाचल का उज्ज्वल भविष्य सुनिश्चित करने के दृष्टिकोण से कार्य कर रही है। आर्थिक तंगी के बावजूद प्रदेश निरंतर विकास के पथ पर अग्रसर है। सरकार द्वारा हर क्षेत्र में गुणात्मक बदलाव लाए जा रहे हैं। शिक्षा, जल विद्युत, पर्यटन व खाद्य प्रसंस्करण आदि क्षेत्रों में अनेक नवोन्मेषी पहल की जा रही हैं। सरकार द्वारा सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ नीतिगत बदलाव लाए जा रहे हैं। बेहतर प्रबन्धन के फलस्वरूप इस वर्ष सरकार ने 2200 करोड़ रुपये का अतिरिक्त राजस्व अर्जित किया है। प्रदेश सरकार समाज के अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए कार्य कर रही हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने डॉ. अंशुक अत्री व डॉ. राजेन्द्र अत्री द्वारा लिखित पुस्तक ‘परमारः हिमाचल के शिल्पकार’ और डॉ. अंशुक अत्री द्वारा अंग्रेजी भाषा में लिखित पुस्तक ‘द क्राफ्टिंग ऑफ हिमाचल प्रदेश’ का विमोचन किया। उन्होंने डॉ. परमार की जीवनी पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया और उनके छायाचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की। इससे पहले, मुख्यमंत्री ने रिज मैदान स्थित डॉ. यशवंत सिंह परमार की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की। उन्होंने डॉ. परमार की जीवनी पर आधारित छायाचित्र प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया। विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने डॉ. परमार को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए कहा कि हिमाचल प्रदेश के स्वरूप में डॉ. परमार का बहुत बड़ा योगदान है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के गठन के समय राज्य की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी, लेकिन डॉ. यशवंत सिंह परमार ने उन चुनौतियों का मजबूती से सामना किया और प्रदेश को बड़ी-बड़ी बाधाओं से बाहर निकाला। उन्होंने कहा कि वर्ष 1971 में प्रदेश को पूर्ण राज्य का दर्जा प्राप्त करने में डॉ. परमार की अहम भूमिका रही है। उनके द्वारा प्रदेश हित में किए गए कार्यों को सदैव याद रखा जाएगा। उन्होंने पुस्तकों के माध्यम से भी प्रदेश को नई दिशा दी। वर्तमान सरकार प्रदेश को आत्मनिर्भर राज्य बनाने की परिकल्पना के साथ दृढ़ इच्छा शक्ति से आगे बढ़ रही है। डॉ. परमार की दूरदर्शी सोच को साकार किया जा रहा है। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि डॉ. परमार ने हर क्षेत्र में प्रदेश के सर्वांगीण विकास का लक्ष्य निर्धारित किया था। उन्होंने सदैव ही हिमाचल की संस्कृति का संरक्षण और संवर्द्धन किया तथा प्रदेश को विशेष पहचान दिलाई। विधानसभा उपाध्यक्ष विनय कुमार ने मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू और व्यक्तियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल निर्माता डॉ. यशवंत सिंह परमार के प्रति हर व्यक्ति आदर और श्रद्धा का भाव रखता है। वह सादगी, सच्चाई और ईमानदारी के धनी थे। उनका जीवन सभी के लिए प्रेरणास्रोत है। डॉ. परमार ने विकसित हिमाचल की परिकल्पना की और आज हम निरंतर इस लक्ष्य की ओर आगे बढ़ रहे हैं। इस अवसर पर सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग द्वारा डॉ. यशवंत सिंह परमार के जीवन पर आधारित वृतचित्र भी प्रदर्शित किया। इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री डॉ. (कर्नल) धनी राम शांडिल, कृषि मंत्री प्रो. चन्द्र कुमार, शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर, लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह, तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी, मुख्य संसदीय सचिव मोहन लाल बराक्टा व राम कुमार, उप मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया, राज्य योजना बोर्ड के उपाध्यक्ष भवानी सिंह पठानिया, विधायक संजय रतन, जीत राम कटवाल, मलेन्द्र राजन, हरीश जनारथा, कैप्टन रंजीत सिंह राणा, नगर निगम शिमला के महापौर सुरेन्द्र चौहान, उपाध्यक्ष हिमाचल प्रदेश वन विकास निगम केहर सिंह खाची, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष कौल सिंह ठाकुर व डॉ. राधा रमण शास्त्री, पूर्व विधायक, नगर निगम के पूर्व महापौर, निदेशक सूचना एवं जन सम्पर्क राजीव कुमार, विभिन्न जनप्रतिनिधि, निदेशक भाषा एवं कला संस्कृति विभाग पंकज ललित, सचिव विधानसभा यशपाल शर्मा, नगर निगम के आयुक्त भूपेन्द्र अत्री और अन्य व्यक्तियों ने भी डॉ. परमार को पुष्पांजलि अर्पित की।
**साहित्य और संस्कृति एक दूसरे पूरक: मनमोहन शर्मा उपायुक्त सोलन मनमोहन शर्मा ने कहा कि साहित्य और संस्कृति एक दूसरे के पूरक है तथा साहित्य के माध्यम से संस्कृति जन-जन तक पहुंचती हैं। मनमोहन शर्मा आज यहां सिरमौर कल्याण मंच सोलन द्वारा हिमाचल प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री स्व. डॉ. यशवंत सिंह परमार की 118वीं जयंती के अवसर पर आयोजित राज्य स्तरीय विचार गोष्ठी एवं कवि सम्मेलन की अध्यक्षता कर रहे थे। मनमोहन शर्मा ने कहा कि राजनीति के साथ-साथ साहित्य की विभिन्न धाराएं संस्कृति के प्रचार-प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रही हैं। उन्होंने कहा कि साहित्य ज्ञान का बड़ा स्रोत है। साहित्य के माध्यम से विभिन्न विषयों को समाज के सामने प्रस्तुत किया जाता है, और समाज बेहतर दिशा की ओर अग्रसर हो सकता है। उन्होंने कहा कि साहित्यकारों ने सदैव ही आम लोगों की समस्याओं को उजागर करते हुए समाधान के लिए लोगों को प्रेरित किया है। उपायुक्त ने कहा कि प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री डॉ. यशवंत सिंह परमार ने हिमाचल के विकास को दिशा देने के साथ-साथ पहाड़ की संस्कृति के प्रचार-प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि डॉ. परमार पहाड़ की संस्कृति से विशिष्ट लगाव रखते थे और उनका सदा यह प्रयास रहा कि पहाड़ की संस्कृति, लोक परम्पराओं और हस्तशिल्प को विश्व में पहचान दी जाए। उन्होंने अपने सरल जीवन के माध्यम से हिमाचली संस्कृति की जानकारी लोगों तक पहुंचाई। उपायुक्त ने इस अवसर पर के.आर. कश्यप द्वारा लिखित ‘सोलन जन-पद की लोक कथाएं’ पुस्तक का विमोचन भी किया। इस अवसर पर रक्तदान शिविर का आयोजन भी किया गया। जिसमें 60 रक्तदाताओं ने रक्तदान किया। उन्होंने इससे पूर्व डॉ. वाई.एस. परमार की प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित किए। ज़िला कांग्रेस अध्यक्ष शिव कुमार, ग्राम पंचायत नौणी के प्रधान मदन हिमाचली, सिरमौर कल्याण मंच सोलन के अध्यक्ष प्रदीप, महासचिव यशपाल कपूर, उपाध्यक्ष एस.एस. परमार, बलदेव चौहान, गगन चौहान, सतपाल ठाकुर, वीरेन्द्र कंवर, रमेश शर्मा, नरेन्द्र चौहान, राजेन्द्र थापा, रीचा शर्मा सहित अन्य व्यक्ति इस अवसर पर उपस्थित थे।
** मानसिक तनाव दूर करने में खेल महत्वपूर्ण: डॉ. शांडिल स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सैनिक कल्याण मंत्री डॉ. (कर्नल) धनीराम शांडिल ने कहा कि ब्रिज जैसे खेल हमारे मानसिक तनाव को दूर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। डॉ. शांडिल आज यहां 8वीं ऑल ओवर इंडिया हिमाचल ओपन ब्रिज प्रतियोगिता के समापन समारोह की अध्यक्षता कर रहे थे। डॉ. शांडिल ने कहा कि वर्तमान समय की व्यस्तता में ऐसी प्रतियोगिताएं लोगों में मेले-जोल बढ़ाने तथा उन्हें मानसिक रूप से स्वस्थ रखने में अहम हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक नागरिक को किसी न किसी खेल में भाग लेना चाहिए ताकि वह शारीरिक तौर पर स्वस्थ और मानसिक तौर पर एकाग्र बन सकें। उन्होंने कहा कि खेल सभी की ऊर्जा का बेहतर उपयोग करने में महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने युवा पीढ़ी का आह्वान किया कि नशे से दूर रहें और ऐसे खेलों में ध्यान केन्द्रित करें ताकि उनके मानसिक विकास को मज़बूती प्रदान हो सके। उन्होंने इस अवसर पर 8वीं ऑल ओवर इंडिया हिमाचल ओपन ब्रिज प्रतियोगिता की स्मारिका का विमोचन भी किया। डॉ. शांडिल ने इस अवसर पर हिमाचल ब्रिज एसोसिएशन को अपनी ऐच्छिक निधि से 02 लाख रुपए देने की घोषणा की। स्वास्थ्य मंत्री ने इस अवसर पर 8वीं ऑल ओवर इंडिया हिमाचल ओपन ब्रिज प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर रही मोनिका जाजू टीम, द्वितीय स्थान पर रही वैदिक टीम तथा तृतीय स्थान पर रही लेक माई लव टीम को नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। इस प्रतियोगिता में देश की 23 टीमों के लगभग 100 प्रतिभागियों ने भाग लिया। इस अवसर पर जोगिन्द्र सहकारी बैंक के अध्यक्ष मुकेश शर्मा, प्रदेश कांग्रेस समिति के महासचिव सुरेन्द्र सेठी, खण्ड कांग्रेस समिति सोलन के अध्यक्ष संजीव ठाकुर, ज़िला कांग्रेस समिति की उपाध्यक्ष संधारा दुल्टा, उपमण्डलाधिकारी सोलन डॉ. पूनम बंसल, पुलिस उपाधीक्षक अनिल धौलटा, हिमाचल प्रदेश प्रथम गर्ल बटालियन एन.सी.सी. सोलन के आदेशक कर्नल संजय शांडिल, हिमाचल प्रदेश ब्रिज एसोसिएशन के अध्यक्ष अरविंद गुप्ता, सचिव हतिन्द्र सिंह, संयुक्त सचिव धीरज सूद, ब्रिज फेडरेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष प्रसाद बी.कैनी, अरुण सेन, रोहित शर्मा, पूर्व पुलिस महानिदेशक हिमाचल प्रदेश पृथ्वी राज सहित अन्य व्यक्ति तथा प्रतिभागी उपस्थित थे।
पालमपुर की बेटी डॉक्टर श्वेता सूद को पशु चिकित्सा में उनके अतुल्य योगदान के लिए इंडिया इंटरनैशनल पोल्ट्री एक्सपो 2024 में" बेस्ट इन्फ्लुएन्सियल फीमेल वेटेरिनारियन अवार्ड 2024" से सम्मानित किया गया। गत रात्री पुणे में आयोजित इंडिया इंटरनैशनल पोल्ट्री एक्सपो 2024 के समापन समारोह में उन्हें यह प्रतिष्ठित पुरस्कार प्रदान किया गया। उन्हें यह पुरस्कार पशु विज्ञानं में अनुसन्धान के माध्यम से पशुओं में बेहतर पौषण , पशु फीड की गुणबत्ता और पशुओं के स्वास्थ्य से जुड़े बिभिन्न मुद्दों पर अनुसन्धान के लिए दिया गया। डॉक्टर श्वेता सूद मुलत काँगड़ा जिला के पालमपुर से सम्बन्ध रखती हैं और पालमपुर में उनकी आरम्भिक शिक्षा के बाद उन्होंने पालमपुर कृषि विश्वविद्यालय के वेटेरिनरी और एनीमल साइंस कॉलेज से 2007 में मास्टर्स डिग्री ग्रहण की। उन्होंने इण्डियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ मैनेजमेंट कोलकत्ता से सीनियर मैनेजमेंट प्रोग्राम की डिग्री हासिल की। उन्होंने अपना कैरियर राज्य सरकार में पशु चिकित्स्क के रूप में शुरू किया तथा बाद में बेहतर कैरियर की तलाश में उन्होंने कॉर्पोरेट सेक्टर ज्वाइन किया। वह इस समय एनीमल हेल्थ केयर पर ऑस्ट्रेलिया के प्रतिष्ठित कंपनी ज़मीरा के बोर्ड ऑफ़ डायरेक्टर के प्रतिष्ठित पद पर कार्यरत हैं। उसका परिवार मुलतपालमपुर में रहता है और बह अपने पति और बेटे के साथ पुणे में रहती हैं तथा यहीं उनका कार्य क्षेत्र भी है।
शिमला जिले में रामपुर के समेज में आज चौथे दिन भी सर्च ऑपरेशन जारी है। सुबह से ही घटनास्थल पर एनडीआरएफ, सेना, पेरामिलिट्री के जवान सर्च ऑपरेशन जुटे चुके हैं। समेज गांव में आई त्रासदी को 4 दिन हो चुके हैं, लेकिन तबाही के निशान हर ओर फैले हुए हैं। समेज में 5 एलएनटी और 301 जवान सर्च ऑपरेशन में जुटे हुए हैं। एसडीएम रामपुर निशांत तोमर ने बताया कि आज सुबह से ही सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है। इस मौके पर एसडीएम रामपुर खुद मौके पर मौजूद रहे। वहीं, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर भी आज समेज क्षेत्र का दौरा करेंगे। इसके साथ ही उन्होंने समेज के आपदा प्रभावित परिवारों के लिए रामकृष्ण मिशन के सौजन्य से भेजी जा रही राहत सामग्री के वाहन को रामपुर में आज पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने रवाना किया। इस दौरान पूर्व सीएम ने कहा कि 'इस आपदा में आम लोग और गैर सरकारी संस्थान आगे आई और बढ़-चढ़कर सहयोग कर रही हैं। इसके लिए उनकी जितनी प्रशंसा की जाए वह कम है। रामपुर से आज लगभग 6 लाख के करीब राहत सामग्री प्रभावित परिवारों के लिए रवाना की गई है। जिन लोगों के परिवार के सदस्य गए हैं हम उनको नहीं लौटा सकते, लेकिन जख्मों पर मरहम लगाने का प्रयास कर सकते हैं। पूर्व सीएम जयराम ठाकुर ने बताया कि समेज और बागीपुल, मंडी में भी इस तरह की घटनाएं सामने आई हैं, जिसमें 50 के करीब अभी भी लोग लापता हैं। यह हिमाचल प्रदेश के लिए बेहद ही दुखद घटना है। इसको लेकर प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा जी से भी बात की गई है। वो भी सहायता करने का प्रयास करेंगे। इस घटना से वो भी चिंतित हैं। आने वाले समय में इस तरह की घटनाएं न हो उसके लिए अध्ययन करने की आवश्यकता है और इस पर काम भी शुरू कर दिया गया है।
कुनिहार: पेंशनर्ज एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन इकाई पट्टा बरावरी-हरिपुर के अध्यक्ष डीडी कश्यप व महासचिव जगदेव गर्ग ने प्रेस को जारी ब्यान में कहा कि पट्टा बरावरी- हरिपुर पेंशनर इकाई का तीन वर्ष का कार्यकाल पूरा हो चुका है और नई कार्यकारिणी के चुनाव के लिए 11 अगस्त को ठीक 11 बजे पट्टा बरावरी पंचायत के समुदाय भवन के नजदीक प्राचीन दुर्गा माता मंदिर परिसर में जरनल हाउस का आयोजन रखा गया है। उन्होेंने कहा कि जाड़ली पंचायत, हरिपुर पंचायत, जाबल झमरोट तथा पट्टाबरावरी पंचायत के सभी पेंशनर सदस्यों से अनुरोध किया है, कि नई कार्यकारिणी के गठन के लिए अपनी उपस्थिति सुनिश्चित करे। उन्होंने पुरानी कार्यकारिणी के पदाधिकारियों से भी आग्रह किया कि 11अगस्त को ठीक 11 बजे पट्टाबरावरी के दुर्गामाता मंदिर परिसर में पहुंच कर नई कार्यकारिणी के गठन में अपना सहयोग करे।
शिमला: सुन्नी के डैम क्षेत्र में चल रहे सर्च ऑपरेशन के दौरान रविवार सुबह एक शव बरामद किया गया है। सुबह सात बजे स्थानीय लोगों को डैम के एक किनारे पर एक शव दिखाई था। इसकी सूचना सर्च ऑपरेशन में लगी टीम को दी गई। इसके बाद टीम ने शव को पानी से बाहर निकाला। शव एक महिला का है, जिसकी उम्र 20 से 25 वर्ष के करीब है। महिला की एक टांग शरीर के हिस्से के साथ नहीं थी। इसके साथ ही सिर का ऊपरी हिस्सा भी नहीं है। चेहरे पर काफी चोटें लगी हैं। महिला के कानों में टॉप्स है। रेस्क्यू टीम ने शव को सीएचसी सुन्नी में पोस्टमाटर्म के लिए भेज दिया है। उपायुक्त अनुपम कश्यप ने बताया कि एक शव सुन्नी में चल रहे सर्च अभियान में बरामद हुआ है। अभी इसकी पहचान नहीं हो पाई है, लेकिन प्रथम दृष्टया से यह शव हाल ही का लगता है। अभी पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आई है। शव की पहचान का काम तीव्र गति से चला हुआ है। इसके साथ ही कुल्लू प्रशासन को भी शव की पहचान के लिए सूचित कर दिया गया है। गौरतलब है कि रामपुर में 31 जुलाई को बादल फटने के बाद 36 लोग लापता हैं उनका अभी तक कोई पता नहीं चला है। बता दें कि समेज गांव में बादल फटने की घटना के बाद कुछ लोगों सतलुज नदी में बहने की संभावना है। ऐसे में इनकी तलाश के लिए समेज से करीब 120 किलोमीटर दूर सुन्नी-तत्तापानी में सर्च ऑपरेशन चलाया गया है, क्योंकि बादल फटने और बाढ़ आने से जैसी घटना होने पर 90 फीसदी शव कोल डैम साइट में शिमला-मंडी जिले की सीमा पर स्थित दोगरी गांव के आसपास ही मिलते हैं। इसी बात को ध्यान में रखते हुए गुरुवार दोपहर से पुलिस और प्रशासन की टीमें यहां सर्च ऑपरेशन में जुटी हैं।
मंडी: पंडोह डैम के सभी पांचों गेट फंक्शनल हो गए हैं और अब बीबीएमबी प्रबंधन द्वारा पावर जनरेशन पर फोकस किया जा रहा है। बता दें कि भारी मात्रा में सिल्ट आने के कारण पंडोह डैम के दो गेट जाम हो गए थे, जिन्हें खोल पाना संभव नहीं हो पा रहा था। ऐसे में चंडीगढ़ से बीबीएमबी के चेयरमैन टेक्निकल टीम के साथ मौके पर पहुंचे और इन्हें खोलने का कार्य शुरू हुआ। बीबीएमबी के मजदूरों और बड़ी-बड़ी मशीनों की मदद से बीती शाम को करीब 7 बजे डैम के गेट नंबर 2 को खोल दिया गया और यहां से पानी की निकासी शुरू कर दी गई। गेट नंबर 2 के खुलने के बाद से गेट नंबर 1 के पास जमा हुई सिल्ट भी निकलने लग गई, जिससे गेट नंबर 1 को खोलना आसान हो गया और रात करीब 10 बजे इसे भी खोल दिया गया। अब डैम के सभी पांचों गेट पूरी तरह से फंक्शनल हैं और सभी से थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी छोड़ा जा रहा है। बीबीएमबी के चीफ इंजीनियर सुनील दत्त शर्मा ने सभी गेट फंक्शनल होने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया, "गेट जाम होने के कारण कुछ लोग घबरा गए थे, जबकि घबराने वाली कोई जरूरत नहीं थी। जाम हुए गेट को खोलना मुश्किल काम था, लेकिन इसे सभी के प्रयासों से अब खोल दिया गया है।
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू 15 अगस्त को देहरा में राज्यस्तरीय स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम में राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे। उनके अलावा जिलास्तरीय कार्यक्रमों में भी मंत्रियों की ड्यूटी तय की गई है। जिला स्तरीय कार्यक्रमों में राज्य विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया सोलन, उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री शिमला, कर्नल धनीराम शांडिल हमीरपुर, चंद्र कुमार ऊना, हर्षवर्धन चौहान लाहौल स्पीति के केलांग, जगत सिंह नेगी किन्नौर के रिकांगपिओ, रोहित ठाकुर चंबा, अनिरुद्ध सिंह नाहन, विक्रमादित्य सिंह कुल्लू, राजेश धर्माणी मंडी और यादविंद्र गोमा बिलासपुर में राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे। उधर, उपायुक्त कांगड़ा हेमराज बैरवा ने बताया कि 15 अगस्त को सुबह 11 बजे देहरा के शहीद भुवनेश डोगरा स्टेडियम में राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह की शुरुआत होगी। इस दौरान मुख्य संसदीय सचिव आशीष बुटेल और किशोरी लाल भी समारोह में शिरकत करेंगे। समारोह के लिए पुलिस विभाग, लोक निर्माण विभाग, जलशक्ति विभाग, भाषा विभाग, नगर परिषद देहरा सहित अन्य सभी विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक कर उनकी भूमिका से अवगत करवा दिया गया है। राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह की तैयारियों को लेकर देहरा में एसडीएम शिल्पी बेक्टा की अध्यक्षता में बैठक हुई। उपमंडल स्तर के अधिकारियों और नगर परिषद के प्रतिनिधियों के साथ हुई इस बैठक में एसडीएम ने व्यवस्थाएं चाक-चौबंद रखने के लिए सबको जरूरी दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि देहरा में राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए परेड का पूर्वाभ्यास 12, 13, 14 अगस्त को किया जाएगा।
उपमंडल ज्वालामुखी के तहत पुलिस थाना खुंडियां के अंतर्गत ग्राम पंचायत पिहडी गलोटी में एक 32 वर्षीय युवक की पहाड़ी से गिरकर मौत होने का मामला सामने आया है। गांव पंचायत पिहडी गलोटी के प्रधान विक्रम सिंह ने बताया कि उक्त व्यक्ति घास काटने के लिए गया था और वहां पहाड़ी से पैर फिसल गया और नीचे गहरी खाई में जा गिरा। प्रधान विक्रम सिंह का कहना है कि उक्त व्यक्ति की शादी अभी सात-आठ माह पहले ही हुई थी। मृतक अपने पीछे माता पिता व पत्नी को छोड़ गया। पुलिस थाना खुंडियां प्रभारी रणजीत सिंह परमार ने बताया कि देर रात फोन के माध्यम से सूचना मिली कि एक व्यक्ति दुर्ग खड्ड के पास पहाड़ी से नीचे गिर गया है और उसका कुछ भी अता-पता नहीं लग रहा है। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मौके पर पहुंच कर पूरी रात सर्च आपरेशन किया तो पाया कि उक्त व्यक्ति पहाड़ी से लगभग 400 फीट नीचे मृत अवस्था में पड़ा हुआ है। थाना प्रभारी रणजीत सिंह परमार ने बताया कि उक्त मृतक व्यक्ति की पहचान सुमित कुमार पुत्र विक्रम सिंह डाकघर घरना तहसील खुंडियां जिला कांगड़ा के रूप में हुई है। पुलिस ने परिजनों के बयान कलमबद्ध किए और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल देहरा भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों के हवाले कर दिया गया। पुलिस धारा 194 के मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई जारी रखी है।
जवाली विधानसभा क्षेत्र की पंचायत ढोल के दुराना गांव के शुभम धीमान 26 साल की उम्र में शहीद हो गए हैं। शुभम धीमान पुत्र स्वर्गीय रूमाल सिंह जो कि 14 डोगरा रेजीमेंट में थे व वर्तमान में लेह में अपनी सेवाएं दे रहे थे वह शुक्रवार शाम को लेह में अपनी ड्यूटी करते हुए गाड़ी के दुर्घटनाग्रस्त हो जाने के कारण शहीद हो गए। शुभम धीमान अभी अविवाहित थे। वह अपने पीछे माता संतोष देवी उम्र 53 साल और बड़ा भाई पंकज कुमार को छोड़ गए हैं। शुभम धीमान का बड़ा भाई पंकज धीमान लखनऊ में प्राईवेट नौकरी करता है। शुभम धीमान के पिता भी आर्मी से रिटार्यड हुए थे व डेढ़ साल पहले ही उनका देहांत हुआ है। इस परिवार के ज्यादातर सदस्य आर्मी की पृष्ठभूमि से संबंधित रहे हैं। शुभम धीमान डेढ़ महिना पहले ही छुट्टी काट कर गया था। उसके चाचा कैप्टन सतीश धीमान व दूसरे चाचा सूबेदार मेजर रिटायर्ड जोगिंद्र धीमान ने जानकारी देते हुए बताया कि पिछले कल रात को सेना की तरफ से दुर्घटना के बारे जानकारी दी थी, लेकिन शनिवार सुबह बेटे के शहीद होने की सूचना दी गई। सेना की तरफ से बताया है कि पार्थिव शरीर रविवार को दोपहर 2 बजे तक गांव में पहुंच जाएगा। वहीं, पंचायत प्रधान शालू, मेजर पीसी आजाद, उपप्रधान साधू राम राणा, कैप्टन दूनी सिंह, सूबेदार मेजर अवतार सिंह पठानिया, रक्षपाल शास्त्री, कैप्टन पवन सिंह, कैप्टन हरवंस सिंह राणा, कैप्टन जगदीश राणा, कैप्टन बलदेव सिंह राणा सहित दुराना गांव के लोगों ने छोटी उम्र में वीर जवान शुभम के इस तरह से जाने पर गहरा दुख प्रकट किया।
रामपुर: शिमला जिले के उपमंडल रामपुर में समेज त्रासदी के तीसरे दिन सर्च ऑपरेशन खत्म होने के बाद देर रात को डीसी शिमला अनुपम कश्यप ने बड़ी समीक्षा बैठक बुलाई। ये बैठक मोनाल कॉन्फ्रेंस हॉल एसजेवीएनएल रामपुर में आयोजित की गई, जिसमें ये फैसला लिया गया कि रविवार यानी आज से समेज में सर्च ऑपरेशन के लिए 6 एलएनटी मशीनों की मदद ली जाएगी। इसके साथ ही तैनात रेस्क्यू टीम में भी वृद्धि की जाएगी। डीसी शिमला अनुपम कश्यप ने कहा कि लोक निर्माण विभाग को प्रभावित सभी सड़कों को जल्द से जल्द बहाल करने के निर्देश दिए गए हैं। जल शक्ति विभाग को सभी प्रभावित पेयजल आपूर्ति की लाइनें जल्द बिछाने के निर्देश दिए हैं। विद्युत विभाग को तीन दिनों में प्रभावित क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बहाल करने के निर्देश दिए गए हैं। खाद्य आपूर्ति विभाग को 37 प्रभावित परिवारों को एक महीने का मुफ्त राशन मुहैया करवाने के निर्देश दिए गए हैं। वन विभाग को टीडी नियमों के मुताबिक प्रभावितों को लकड़ी उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए हैं। डीसी शिमला ने बताया कि समेज में सर्च ऑपरेशन के दौरान एक मेडिकल टीम नियुक्ति की जाएगी। रविवार से रेस्क्यू और मेडिकल टीम सुबह से लेकर शाम तक घटनास्थल पर ही सक्रिय रहेगी। बैठक के दौरान अभी तक के सर्च ऑपरेशन और रेस्क्यू ऑपरेशन के बारे में विस्तृत चर्चा की गई। एसपी शिमला संजीव गांधी ने बैठक को संबोधित किया। इस दौरान आर्मी, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस, होमगार्ड, सीआईएसएफ, अग्निशमन के अधिकारी मौजूद रहे। सभी अधिकारियों ने सर्च ऑपरेशन के दौरान जमीनी स्तर पर आ रही चुनौतियों के बारे में चर्चा की। बैठक में सर्च ऑपरेशन को लेकर आगामी रणनीति भी तैयार की गई। गौरतलब है कि 31 जुलाई की रात को रामपुर में भारी बारिश हुई और समेज गांव की पहाड़ियों में बादल फट गया। जिसके चलते गांव के साथ बहते नाले में बाढ़ आ गई। बादल फटने के चलते फ्लैश फ्लड आया, जिसमें भारी मात्रा में मलबा और बड़ी-बड़ी चट्टानें थी। लोग घरों में सो रहे थे जब ये सैलाब आया और सबको बहा ले गया। 1 अगस्त की सुबह तक समेज गांव का अस्तित्व ही मिट गया। जहां कभी एक भरा-पूरा गांव हुआ करता था, अब वहां हर ओर सिर्फ मलबा ही मलबा है। इस त्रासदी में 36 लोग लापता हैं, जिनका अभी तक कोई सुराग नहीं मिला है। आज समेज में रेस्क्यू ऑपरेशन का चौथा दिन है, लेकिन किसी का कोई नामोनिशान नहीं है।
जिला कुल्लू में पुलिस की नशा तस्करों पर कार्रवाई लगातार जारी है। इसी के तहत पर्यटन नगरी मनाली के साथ लगते प्रीणी में पुलिस की टीम ने दो आरोपियों के कब्जे से 882 ग्राम चरस बरामद की है। पुलिस ने चरस को अपने कब्जे में ले लिया और अब दोनों आरोपियों को अदालत में पेश करने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। वहीं, दोनों आरोपियों से इस बात की पूछताछ की जा रही है कि आखिर वो कहां से यह चरस लेकर आए थे और आगे किसे बचने के लिए जा रहे थे। एसपी कुल्लू डॉ. कार्तिकेयन गोकुलचंद्रन ने बताया कि कुल्लू की एंटी नारकोटिक्स ट्रैफिक फोर्स की टीम ने प्रीणी नाला पुल पास पुराना ग्रीन टैक्स बैरियर में नाकाबंदी की हुई थी। इस दौरान एक गाड़ी (नंबर HP 01K 9279) को रूटिन चेंकिग के लिए रोका गया, तो चैकिंग के दौरान गाड़ी सवार व्यक्ति से 882 ग्राम चरस बरामद की। आरोपी की पहचान शिवू राम (उम्र 40 वर्ष) निवासी बालीचौकी जिला मंडी और भीमी राम (उम्र 61 वर्ष) निवासी मनाली के तौर पर हुई है। मामले को लेकर दोनों आरोपी शिवू राम व भीमी राम के खिलाफ पुलिस थाना मनाली में धारा 20, 25 व 29 मादक पदार्थ अधिनियम के तहत केस दर्ज करके गिरफ्तार किया गया है। मामले को लेकर आगामी जांच जारी है।
हिमाचल प्रदेश के स्कूलों में पीटीए, पीरियड, एसएमसी और वर्क लोड आधार पर शिक्षकों और गैर शिक्षकों की नियुक्ति पर रोक लगा दी गई है। इस बाबत उच्च शिक्षा निदेशालय ने सभी जिला उपनिदेशकों को आदेश जारी कर दिए हैं। पत्र में स्पष्ट किया है कि ऐसी नियुक्तियों के लिए सरकार से वित्तीय मदद नहीं दी जाएगी। भविष्य में कानूनी अड़चनें पड़ने पर संबंधित शिक्षण संस्थान प्रमुख ही जिम्मेवार होंगे। ऐसे मामले सामने पर संबंधित अधिकारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि सरकार के पास लगातार इस प्रकार की नियुक्तियां किए जाने की शिकायतें आई हैं। ऐसी नियुक्तियां होने के बाद संबंधित शिक्षक या गैर शिक्षक की ओर से स्थायी तौर पर रखने को लेकर कोर्ट की शरण ली जा रही है। ऐसे में सरकार ने इस बाबत सख्ती बरतते हुए स्कूल स्तर पर इस प्रकार की नियुक्तियां नहीं करने के आदेश जारी किए हैं। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. अमरजीत कुमार शर्मा ने बताया कि स्कूलों में अस्थायी तौर पर किसी भी शिक्षक या गैर शिक्षक को नियुक्त नहीं किया जा सकता है। जिन स्कूलों में इस प्रकार की नियुक्तियां दी गई हैं, वहां की रिपोर्ट तलब की गई है। सरकार की ओर से इन नियुक्तियों के लिए वित्तीय मदद नहीं दी जाएगी।
कुनिहार उप इकाई की मासिक बैठक स्थानीय रेस्टोरेन्ट में ई० रत्न तनवार की अध्यक्षता मे आयोजित की गई । बैठक में सदस्यों को बोर्ड की विभिन्न गतिविधियो से अवगत करवाते हुए सभा अध्यक्ष से लोगों को आगामी चुनौतियों से सावधान रहने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि जो बोर्ड के लिए मन्त्रिमण्डलीय उप समिति मंत्री राजेश धर्माणी की अध्यक्षता में गठित की गई है उसकी सिफारिशो पर ही विद्युत बोर्ड का भविष्य निर्धारित होगा । यदि सिफारिशे बोर्ड व कर्मचारी विरोधी होंगी तो उससे विद्युत पैन्शनर वर्ग भी अछूता नहीं रहेगा । इसलिए समय की यही मांग है कि सभी कर्मचारी व पैन्शनर्ज अपनी एकता को अभी से मजबुत बनाए रखे तथा भविष्य के लिए अपनी रणनीति तैयार कर ले । ई तनवर ने हिमाचल प्रदेश सरकार व विद्युत बोर्ड प्रबन्धन वर्ग से मांग की है कि जैसे हरियाणा सरकार ने पंजाब व हरियाणा उच्च न्यायालय के विभिन्न मुकदमों की अपीले स्वीकार करने के बाद सभी पैशनर्ज जिन्हे लगभग 11 वर्ष या ज्यादा सेवानिवृति के हो चुके हैं उनकी कम्युटेशन रिकवरी को स्थगित करने के आदेश जारी किए है उसी आधार पर हिमाचल के पेन्शनर्ज की कम्युटेशन रिकवरी को 10 वर्ष 8 महिने पूरे होने पर स्थगित कर दिया जाए । धरातल में विद्युत सप्लाई का ढ़ाचा पूरी तरह से चरमरा चुका है इसलिए सैक्शन लेवल तक फिल्ड कर्मचारियो की भर्ती करके इस नामवर आर्गेनाईजेशन का अस्तित्व बचाया जाए । कर्मचारियो को ओपीएस तुरन्त लागू किया जाए। पेंशनर्ज को ग्रेच्यूटी 'लीव एनकैशमेंट ' कम्युटेशन तथा अन्य सभी रोके गए देयलाभ तुरन्त जारी किए जाए । बहुत से पैन्शनर्ज तो इन लाभों का स्वाद चखे बिना ही परलोक सिधार चुके हैं जो कि इस बोर्ड को बहुत ही शर्ममाक बात है। बहुत से पैन्शनर्ज की 7- 8 बर्षो बाद भी पे फिक्शेषन नहीं हो पाई है जिसे अकाऊंटस ऑफिसर पेंशनर्ज को संज्ञान लेते हुए जांच कर तुरन्त पैन्शनर्ज को नए पे स्केल मे फिक्स किया जाए । यह भी संगठन के संज्ञान में आया है कि 65-70 व 75 वर्ष की आयु पुर्ण कर चुके पेंशनर्ज की आवश्यक पैन्शन आलाऊंस नही दिया जा रहा है उसे भी जल्दी पैन्शन के साथ एरियर सहित दिया जाए। हिमाचल प्रदेश सरकार से मांग की गई कि जल्द से जल्द 12% डीए जारी किया जाए ताकि पैन्शनर्ज व कर्मचारी इस भयानक मंहगाई के दौर से बाहर निकल सके । सभा में बोर्ड द्वारा मुख्य लेखा अधिकारी से केन्द्रीय कार्यकारिणी के मांग पत्र पर बातचीत के लिए कार्यकारिणी को आमंत्रित किए जाने की भी भत्सर्ना की गई कि इतने शार्ट टर्म नोटिस पर खराब मौसम के दौरान दो दिनों के अन्दर पुरे प्रदेश से सदस्यों का शिमला पहुंचना असम्भव है तथा हमारे मांग पत्र के सभी विषय केवल मुख्य लेखा अधिकारी के अधिकारक्षेत्र में नहीं आते उनमें से बहुत से विषय बोर्ड प्रबन्धन व बोर्ड सैक्रिटेरिएट के अधिकार क्षेत्र में आते हैं अतः बोर्ड से केन्द्रीय कार्यकारिणी ने इसी लिए इस मिटिंग को स्थगित कर आगामी दिनों में आयोजित करने का आग्रह 2-8-2024 को लिखे पत्र द्वारा कर दिया है । बैठक में बहुत दूर दराज के क्षेत्रो से पधारे लगभग 60 सम्मानीय सदस्यो ने भाग लिया तथा पांच नए सदस्यो ने एसोसिएशन की सदस्यता ग्रहण की ।
** चिकित्सा महाविद्यालयों में प्रदान की जाएंगी विश्व स्तरीय स्वास्थ्य सेवाएं मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज डॉ. राजेंद्र प्रसाद चिकित्सा महाविद्यालय टांडा, जिला कांगड़ा तथा इंदिरा गांधी चिकित्सा महाविद्यालय शिमला की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार राज्य के चिकित्सा महाविद्यालयों को सशक्त करने के लिए साधन और संसाधनों को व्यापक स्तर पर सृजित और सुदृढ़ करेगी। उन्होंने कहा कि महाविद्यालयों में विशेषज्ञ चिकित्सकों और पर्याप्त स्टाफ की समुचित तैनाती सुनिश्चित की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य संस्थानों को भविष्य की जरूरतों और तकनीक के आधार पर सुदृढ़ करने तथा संसाधन सृजन पर बल दिया। उन्होंने चिकित्सा महाविद्यालयों में स्नातकोत्तर विषयों की सीटों की संख्या बढ़ाने के लिए आवश्यक प्रक्रिया पूर्ण करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने सभी स्वास्थ्य संस्थानों में कमियों को चिन्हित कर उनका उचित समाधान सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गुणात्मक चिकित्सा देखभाल के लिए छह मरीजों के अनुपात पर एक स्टाफ नर्स तैनात की जाएगी। मुख्यमंत्री ने डॉ. राजेन्द्र प्रसाद चिकित्सा महाविद्यालय टांडा की कार्यप्रणाली की समीक्षा करते हुए कहा कि अस्पताल में चिकित्सकों से परामर्श के लिए प्रतीक्षा अवधि कम की जाएगी और परामर्श अवधि बढ़ाई जाएगी, जिसके लिए पर्याप्त संख्या में चिकित्सक तैनात किए जाएंगे। मरीजों के पंजीकरण के लिए पंजीकरण कांउटर की संख्या भी बढ़ाई जाएगी ताकि लोगों को चिकित्सक से परामर्श के लिए अधिक इंतजार न करना पड़े। बैठक में बताया गया कि टांडा चिकित्सा महाविद्यालय में वर्ष 2023 में मेडिसिन विभाग में 72,069 मरीजों, ऑर्थोपेडिक्स में 56,124, जनरल सर्जरी में 25,856 मरीजों सहित सभी विभागों में कुुल 6,05,489 मरीजों ने चिकित्सा सुविधा का लाभ उठाया। मुख्यमंत्री ने टांडा महाविद्यालय में विभिन्न परियोजनाओं के निर्माण कार्य की समीक्षा भी की। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में 100 बिस्तर क्षमता का सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन मेंटल हेल्थ विकसित किया जा रहा है जिसे शीघ्र ही कार्यशील कर दिया जाएगा तथा बीएससी नर्सिंग कक्षाएं भी शुरू की जाएंगी। मुख्यमंत्री ने महाविद्यालय में विशेषज्ञ चिकित्सकों, पैरा मेडिकल तथा अन्य श्रेणियों के विभिन्न पदों को भरने की स्वीकृति भी दी। ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने इंदिरा गांधी चिकित्सा महाविद्यालय शिमला की समीक्षा करते हुए इसमें विभिन्न श्रेणियों के पदों के सृजन और लोगों को विश्व स्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य संस्थानों से संबंधित सभी निर्णय व्यापक स्तर पर जन कल्याण भावना के दृष्टिकोण से लिए जाएं। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में विभिन्न भवनों की मरम्मत के लिए अतिरिक्त बजट का प्रावधान किया जाएगा। बैठक में बताया गया कि वर्ष 2023 में इंदिरा गांधी चिकित्सा महाविद्यालय के मेडिसिन विभाग में 1,43,291 मरीजों, आर्थोपेडिक्स विभाग में 85,161, जनरल सर्जरी विभाग में 77,012 मरीजों सहित सभी विभागों में 8,72,829 मरीजों ने चिकित्सा सुविधा का लाभ उठाया। सुक्खू ने कहा कि अटल सुपर स्पेशिएलिटी आयुर्विज्ञान संस्थान चमियाणा को भी निरंतर सुदृढ़ किया जा रहा है। बैठक में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. (कर्नल) धनी राम शांडिल, कृषि मंत्री प्रो. चंद्र कुमार, तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी, मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी, उप-मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया, उपाध्यक्ष राज्य योजना बोर्ड भवानी सिंह पठानिया, विधायक संजय रतन, मलेंद्र राजन व हरीश जनारथा, मुख्यमंत्री के ओएसडी गोपाल शर्मा, सचिव स्वास्थ्य एम. सुधा देवी, मुख्यमंत्री के सचिव राकेश कंवर, निदेशक चिकित्सा शिक्षा डॉ. राकेश शर्मा, टांडा व शिमला चिकित्सा महाविद्यालयों के प्रधानाचार्य व चिकित्सा अधीक्षक और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
** बोले, जनसमस्याओं का त्वरित निदान सुनिश्चित करें अधिकारी पर्यटन निगम के अध्यक्ष कैबिनेट रैंक मंत्री आरएस बाली ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार के नए अवसर प्रदान किए जाएंगे ताकि ग्रामीण क्षेत्रों से युवाओं का पलायन नहीं हो सके और घर द्वार पर ही रोजगार प्राप्त हो सके। शनिवार को पर्यटन निगम के अध्यक्ष आरएस बाली ने नगरोटा के ओबीसी भवन में जनसमस्याएं सुनने के उपरांत कहा कि कि स्टार्ट अप योजना को ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचाया जाएगा इसमें ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं की विशेष तौर पर कैरियर कांउसलिंग भी की जाएगी ताकि ज्यादा से ज्यादा युवा स्टार्टअप के साथ जुड़कर स्वाबलंबी बन सकें।उन्होंने कहा कि प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में नगरोटा विधानसभा क्षेत्र के गांव और गरीब का विकास करना मेरा प्रथम कर्तव्य है। उन्होंने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि गांव और गरीब के विकास कार्यो में किसी भी तरह की कोताही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा विधानसभा क्षेत्र में बड़े विकास कार्यो के साथ.साथ गांव और गरीबों तक विकास पहुंचाना सबसे महत्वपूर्ण कार्य है ताकि प्रत्येक व्यक्ति तक सभी तरह की मूलभूत सुविधाएं पहुंचाई जा सके। उन्होंने कहा कि गांव और गरीब की समस्याओं को जानने के लिए उन्होंने पंचायत संवाद कार्यक्रम शुरू किया है, जिसके अंतर्गत विधानसभा क्षेत्र की प्रत्येक पंचायत के ग्रामीणों से मिलकर उनकी प्राथमिकताओं के बारे में जानकारी हासिल की जा रही है। उन्होंने प्रत्येक गांव के अति निर्धन परिवारों के सदस्य को रोजगार के अवसर देने के कार्य को भी प्रमुखता में लिया है ताकि इन परिवारों का जीवन बेहतर हो सके। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं को उसके उचित हकदार तक पहुंचना हमारा प्रथम लक्ष्य होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि आम जनमानस की शिकायतों का त्वरित निदान सुनिश्चित करने के लिए कारगर कदम उठाए जाएं। इस अवसर पर एसडीएम मुनीष शर्मा, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी सुरेश वालिया, अधिशासी अभियंता आईपीएच विवेक ठाकुर, अधिशासी अभियंता बिजली विभाग कमल चैधरी, कांग्रेस के उपाध्यक्ष प्रताप रियाड़, महिला कांग्रेस अध्यक्ष कुंता देवी, महासचिव अरूण कटोच, महासचिव नरेंद्र धीमान, शहरी कांग्रेस के उपाध्यक्ष नीरज दुसेजा प्रताप रियाड वरिष्ठ उप प्रधान,महासचिव ,अजय सिपहिया,अजय भनियारी,रोशन लाल खन्ना,अशोक स्रोत्री, सुमितर मसंद,राज मल,अशोक गौतम, गिरीश धवन,सोनु कटोच, मुकेश मेहता ,जोनू , केहर सिंह,कुलदीप कौशल,स्वरूप चौहान,अशोक मल्होत्रा,प्रकाश चंद,संजय शर्मा,वीना ठाकुर, नरेंद्र ,कुलदीप धीमान,राहुल धीमान, दिनेश शर्मा अधिवकता प्रेम राणा, डिंपी कटोच, शामिल रहे।
ज़िला विधिक सेवा प्राधिकरण सोलन एवं वन विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आज सोलन ज़िला की ग्राम पंचायत भोजनगर के कालथ वन क्षेत्र में पौधरोपण अभियान एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। जागरूकता कार्यक्रम की अध्यक्षता ज़िला विधिक सेवा प्राधिकरण सोलन की सचिव एवं सीनियर सिविल जज आकांक्षा डोगरा ने की। आकांक्षा डोगरा ने बाण का पौधा रोपित कर पौधरोपण अभियान का शुभारंभ किया। उन्होंने इस अभियान में तेजी लाने, व आमजन की भागीदारी सुनिश्चित बनाने का भी आह्वान किया ताकि बदलते जलवायु परिवर्तन से पर्यावरण को बचाया जा सके। उन्होंने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य अधिक से अधिक पौधारोपण कर पर्यावरण के संरक्षण में योगदान देना है। उन्होंने कहा कि पर्यावरण का संरक्षण हम सभी का दायित्व है। वर्तमान में पर्यावरण की सुरक्षा ही भविष्य को हरा-भरा बना कर रख सकती है। उन्होंने उपस्थित सभी लोगों से आग्रह किया कि वे इस अभियान से जुड़कर अधिक से अधिक पौधारोपण करें ताकि भविष्य में यह पौधे, पेड़ बनकर सभी के लिए लाभदायक बन सकें। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला भोजनगर के विद्यार्थियों ने इस अवसर पर विभिन्न प्रजातियों के लगभग 80 पौधे रोपित किए। कार्यक्रम में वन परिक्षेत्र अधिकारी धर्मपुर केवल राम पुंडीर, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला भोजनगर की प्रधानाचार्य सोनिया कौर, पुलिस विभाग के अधिकारी सहित विद्यार्थियों व अध्यापकों ने भाग लिया।
**सीएम करेंगे शिरकत, तैयारियों में जुटा प्रशासन धर्मशाला: 78वां राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह इस बार जिला कांगड़ा के उपमंडल देहरा में धूम-धाम से मनाया जाएगा। उपायुक्त कांगड़ा हेमराज बैरवा ने बताया कि मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू इस अवसर पर देहरा में राज्य स्तरीय स्वतंत्रता समारोह की अध्यक्षता करेंगे। 15 अगस्त, 2024 को सुबह 11 बजे देहरा के शहीद भुवनेश डोगरा स्टेडियम में राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह की शुरूआत होगी। इस दौरान मुख्य संसदीय सचिव आशीष बुटेल और किशोरी लाल भी मुख्यमंत्री के साथ राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में शिरकत करेंगे। डीसी ने बताया कि देहरा में राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए पुलिस विभाग, लोक निर्माण विभाग, जल शक्ति विभाग, भाषा विभाग, नगर परिषद देहरा सहित अन्य सभी विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक कर उनकी भूमिका से अवगत करा दिया गया है। राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह तैयारियों में जुट गया है। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन द्वारा राज्य स्तरीय समारोह के सफल संचालन को लेकर विभागों की जिम्मेदारियां तय की गई हैं। विभागीय अधिकारियों को संबंधित कार्यों और व्यवस्थाओं के लिए निर्देश दिए गए हैं। कार्यक्रम में शिक्षण संस्थानों द्वारा देशभक्ति से ओत-प्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए जाएंगे। उपायुक्त ने अधिकारियों व विभागों को समारोह के सफल आयोजन के लिए पूर्व योजना एवं पूर्ण योजना से तैयारी करने के निर्देश दिए। साथ ही जिला के सभी विभागों के अधिकारी-कर्मचारियों को स्वतंत्रता दिवस समारोह में उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। देहरा में एसडीएम की अध्यक्षता में बैठक राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह की तैयारियों को लेकर आज देहरा में एसडीएम शिल्पी बेक्टा की अध्यक्षता में बैठक का आयोजन किया गया। उपमंडल स्तर के अधिकारियों और नगर परिषद के प्रतिनिधियों के साथ हुई इस बैठक में एसडीएम ने व्यवस्थाएं चाक चौबंद रखने के लिए सबको जरूरी दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि देहरा में राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए परेड का पूर्वाभ्यास 12, 13, 14 अगस्त को किया जाएगा। बैठक में सुनीता राणा अध्यक्ष नगर परिषद देहरा, मलकियत सिंह परमार अध्यक्ष व्यापार मंडल देहरा, आदर्श शर्मा तहसील कल्याण अधिकारी, अंजू चौहान प्रिंसिपल राजकीय महाविद्यालय ढलियारा, डॉ. विशाल गर्ग एसएमएस हॉर्टिकल्चर, अश्वनी कुमार नायब तहसीलदार प्रागपुर, डॉक्टर सुशील कुमार प्रिंसिपल राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला देहरा, कुशल कुमार आरएम देहरा, लवनीत डोगरा फूड इंस्पेक्टर, दीपक शर्मा सहायक अभियंता जल शक्ति विभाग सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित
सोलन: पुलिस थाना परवाणू की टीम ने सोलन जिला के युवाओं को चिट्टे की सप्लाई करने आए हरियाणा के 2 तस्करों को पकड़ने में सफलता हासिल की है। इनमें एक युवती भी शामिल है। जानकारी के अनुसार पुलिस को गुप्त सूचना मिली की हरियाणा के युवक-युवती एक स्कूटी (पीबी 10एफआर-1183) पर सवार होकर चिट्टे की तस्करी करने सोलन की तरफ आ रहे हैं। इस सूचना पर पुलिस ने टीटीआर परवाणू के नजदीक नाका लगा दिया। जब उक्त युवक-युवती स्कूटी लेकर वहां पहुंचे तो पुलिस ने उन्हें रोक लिया। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से 10 ग्राम से अधिक चिट्टा बरामद हुआ। पुलिस ने चिट्टे को कब्जे में लेकर आरोपी 35 वर्षीय मनदीप व 22 वर्षीय युवती सविता निवासी चंडी मन्दिर जिला पंचकूला हरियाणा को गिरफ्तार कर लिया तथा उनके खिलाफ पुलिस थाना परवाणू में धारा 21,29 एनडी एंड पीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों की स्कूटी को भी जब्त कर लिया है। पुलिस को जांच के दौरान पता चला है कि आरोपी मनदीप पहले भी नशा तस्करी के मामले में संलिप्त रह चुका है और इसके खिलाफ चंडी मंदिर थाने में एक मामला भी दर्ज है, जिसमें वह जमानत पर रिहा हुआ है। एसपी सोलन गौरव सिंह ने मामले की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि आरोपियों के खिलाफ आगामी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है।
लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री ने किया समेज घटनास्थल का निरीक्षण लोक निर्माण एंव शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने शनिवार को समेज घटना स्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान प्रभावित लोगों और पीड़ितों से भी मिले। घटना स्थल पर स्थानीय लोगों ने घटना के बारे में कैबिनेट मंत्री को बताया।कैबिनेट मंत्री ने कहा कि समेज गांव में दो वैली ब्रिज स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए शिमला से वैली ब्रिज का सामान मंगवा लिया गया है। कुछ ही दिनों में वैली ब्रिज सुचारू हो जाएंगे ताकि स्थानीय लोगों को आवागमन की सुविधा उपलब्ध हो सके। उन्होंने कहा कि यहां पर अतिरिक्त मशीनरी की तैनाती की जा रही है ताकि खोज एवं बचाव कार्य को और तीव्रता मिल सके। इस बारे में संबंधित विभाग को निर्देश दे दिए गए है। कैबिनेट ने कहा कि यह त्रासदी झकझोरने वाली है। हम पूरी तरह लोगों के साथ खड़े है। प्रदेश सरकार हर संभव सहायता कर रही है। इस हादसे में लापता लोगों को ढूंढने के लिए सर्च ऑपरेशन चला हुआ है। लेकिन भारी मलबा होना के कारण सर्च ऑपरेशन में कई चुनौतियां पेश आ रही है। उन्होंने कहा कि 85 किलोमीटर के क्षेत्र में सर्च अभियान चलाया जा रहा है। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, आर्मी, पैरा मिलिट्री फोर्स, पुलिस, होमगार्ड, अग्निशमन विभाग के सदस्य रेस्क्यू ऑपरेशन में लगे हुए है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने गत दिवस समेज दौरे के दौरान आपदा प्रभावितों को 50 हजार रुपए की फौरी राहत राशि और किराए पर मकान के लिए 5000 रुपये देने की घोषणा की है, जिसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। इसके अतिरिक्त, उन्होंने केंद्र सरकार से हिमाचल प्रदेश को आपदा से निपटने के लिए दिल खोल कर आर्थिक सहायता प्रदान करने का भी आग्रह किया। उपायुक्त शिमला अनुपम कश्यप ने इस दौरान कैबिनेट मंत्री को खोज एवं बचाव कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान 7वें राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष एवं विधायक रामपुर नंद लाल, पूर्व सांसद एवं कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष प्रतिभा सिंह, जिला परिषद अध्यक्ष चंद्र प्रभा नेगी, पुलिस अधीक्षक शिमला संजीव कुमार गांधी, उपमंडल दण्डाधिकारी रामपुर निशांत तोमर सहित कई विभागों के अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि और स्थानीय लोग मौजूद रहे।
** केवल जुलाई माह में ही 31,500 राजस्व मामले निपटाए मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज कहा कि प्रदेशभर में अक्तूबर, 2023 से जुलाई, 2024 के मध्य राज्य सरकार द्वारा विशेेष राजस्व लोक अदालतों के माध्यम से 1,63,268 इंतकाल, 9,417 तकसीम, 12,453 निशानदेही और 2,427 राजस्व त्रुटियों के मामलों का निस्तारण किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश में पहली बार किसी प्रदेश सरकार ने वर्षों से पड़े राजस्व मामलों की समस्या का समाधान करने के लिए इस तरह की लोक अदालतों का आयोजन कर मिशन मोड में कार्य किया, जिसके सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। इनके माध्यम से प्रदेश में 30 और 31 जुलाई, 2024 को 10,746 इंतकाल, 408 तकसीम और 541 निशानदेही के मामले निपटाने के साथ-साथ 131 राजस्व त्रुटियों को सुधारा गया। इसके अतिरिक्त जुलाई, 2024 में 16,514 इंतकाल, 554 तकसीम और 2,142 निशानदेही तथा 464 राजस्व त्रुटियों के मामलों का निस्तारण किया गया और जुलाई माह में 31,500 राजस्व मामलों का निपटारा किया गया। ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश के लोगों को इन अदालतों के माध्यम से घर-द्वार पर अपनी समस्याओं का समाधान मिल रहा है और राजस्व लोक अदालतों की सफलता का आकलन इस बात से किया जा सकता है कि लोग इस सुविधा का बढ़-चढ़ कर लाभ उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की इस पहल से वर्षों से लंबित पड़े मामलों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित हो रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार के प्रयासों के फलस्वरूप ही आमजन को राहत मिल रही है और लंबित राजस्व मामलों के समाधान के लिए प्रतिबद्धता से कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार ने अक्तूबर, 2023 से राजस्व लोक अदालतों का आयोजन करने के लिए विशेष अभियान शुरू किया है। इस अभियान के अंतर्गत प्रत्येक माह के अंतिम दो कार्य दिवस में इन लोक अदालतों का आयोजन कर लंबित राजस्व मामलों का समाधान किया जाता है ताकि लोगों को राजस्व कार्यालयों के बार-बार चक्कर न लगाने पड़ें। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार राज्य में पारदर्शी और त्वरित प्रशासन प्रदान करने को अधिमान दे रही है। सरकार द्वारा लिए गए जन हितैषी निर्णयों से लोग उत्साहित हैं। उन्होंने कहा कि सरकार जन-जन की सरकार है और आमजन की समस्याओं को सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान कर उनका समाधान किया जा रहा है।
शिमला के उपनगर न्यू टूटू में दिव्ययोग रिसर्च फाउंडेशन ट्रस्ट द्वारा संचालित दिव्य फिजियोथैरेपी सेंटर में रविवार, 4 अगस्त रविवार 11, 2024 तक जांच शिविर लगाया जा रहा है। इस शिविर में गठिया, फालिज, कमर दर्द, जोड़ों का दर्द, कन्धों और घुटनों का जाम होना, सरवाइकल,स्पाॅडिंलोसिज, बच्चों का समय से न चल पाना, इत्यादि की निशुल्क जांच की जाएगी। इस सेंटर में उपरोक्त रोगों का इलाज मैनुअल थेरेपी एवं आधुनिक उपकरणों द्वारा किया जाता है। संस्थान के अध्यक्ष विजय कुमार सूद ने कहा कि फिजियोथेरेपी सेहतमंद रहने के लिए बहुत जरूरी है। फिजियोथेरेपी कराने से मानसिक स्वास्थ्य भी बेहतर रहता है उन्होंने कहा कि पुराने दर्द से राहत दिलाने में फिजिकल थेरेपी की महत्वपूर्ण भूमिका है। फिजियोथेरेपी ने दवाइयों पर लोगों की निर्भरता कम कर दी है क्योंकि शरीर में होने वाले दर्द का इलाज बिना दवाई फिजियोथेरेपी से भी दूर किया जा सकता है। कोई भी अन्य जानकारी संस्थान के हेल्पलाइन 92185-38001 पर संपर्क कर ली जा सकती है।
हिमाचल प्रदेश विवि (एचपीयू) ने स्नातकोत्तर डिग्री कोर्स की खाली सीटों को भरने के लिए इस बार प्रवेश प्रक्रिया में ही बदलाव कर दिया है। पहली बार बदली प्रवेश प्रक्रिया के तहत एचपीयू पीजी की खाली सीटों को भरने के लिए कुछ शर्तें लगाकर छात्र-छात्राओं को आवेदन का मौका देने वाला है। इतना ही नहीं, एचपीयू सब्सिडाइज्ड और नॉन सब्सिडाइज्ड श्रेणी की सीटें भरने को प्रवेश परीक्षा आधारित कोर्स में प्रवेश के लिए आवेदन और प्रोसेसिंग फीस के नाम पर 700, मेरिट आधारित कोर्स के लिए 500 रुपये फीस भी वसूल करेगा। फिर चाहे छात्र ने एडमिशन के लिए पहले ही आवेदन फीस चुका ली हो। हालांकि, यह परोक्षरूप से छात्र-छात्राओं पर अतिरिक्त फीस थोपी गई है। एचपीयू के अधिष्ठाता अध्ययन प्रो. बीके शिवराम ने सभी शैक्षणिक विभागों को कार्यालय आदेश जारी किए हैं। आदेशों में तय प्रक्रिया के अनुसार ही विभाग खाली सीटों के लिए फिर से आवेदन आमंत्रित करेंगे। अधिष्ठाता अध्ययन ने विभागों से तीन अगस्त तक खाली सीटों का ब्योरा और सीट भरने के लिए आवेदन मंगवाने से संबंधित जानकारी मांगी है। इसी के आधार पर एचपीयू पीजी कोर्स में प्रवेश के लिए आवेदन करने को एडमिशन पोर्टल खोलेगा। बता दें कि यह पहला मौका होगा जब विवि खाली सीटें भरने के लिए फीस की वसूली करेगा। पहले खाली सीटों पर वीसी की मंजूरी पर प्रवेश दिया जाता था। डीएस कार्यालय के सर्कुलर के मुताबिक प्रवेश, आवेदन और सीट आवंटन के लिए तीन नियमों के अनुसार सीटें भरी जानी हैं।
ऊना जिला में अवैध खनन पर पूर्ण अंकुश लगाने के लिए जिला प्रशासन ने जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है। उपायुक्त जतिन लाल ने इस मुहिम को और तेज करते हुए खुद शुक्रवार की देर रात खानपुर, फतेहपुर और घालूवाल में दबिश दी। रात 12 से 2 बजे तक चली इस सख्त कार्रवाई में उन्होंने खानपुर में पकड़े गए अवैध खनन भंडारण के दो मामलों में एफआईआर के निर्देश दिए। इस दौरान डीसी ने वाहनों की चेकिंग भी की। उनके साथ एसडीएम ऊना विश्व मोहन देव चौहान, पुलिस उप निरीक्षक मैहतपुर सौरभ ठाकुर और खनन निरीक्षक पंकज कुमार भी मौजूद थे। ज्ञात रहे, उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने बीते कल ऊना में आयोजित बैठक में अधिकारियों को अवैध खनन पर सख्ती से निपटने के निर्देश दिए थे। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू के स्पष्ट निर्देश हैं कि अवैध खनन में लिप्त व्यक्तियों पर कठोरतम कार्रवाई की जाए। इन निर्देशों की अनुपालना में ऊना जिला प्रशासन अवैध खनन पर कड़े तेवरों के साथ निगरानी और रोकथाम में जुटा है। उपायुक्त जतिन लाल ने कहा कि ऊना जिले में अवैध खनन किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अवैध खनन और पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वालों को कतई बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि अवैध खनन करने वालों के साथ-साथ अवैध भंडारण करने वाले मालिकों पर भी एफआईआर दर्ज की जाएंगी। उपायुक्त ने बताया कि उन्होंने शुक्रवार रात खानपुर में पकड़े गए अवैध खनन भंडारण के दो मामलों में एफआईआर के निर्देश दिए हैं। इससे पहले फतेहपुर और उदयपुर में भी माइनिंग विभाग ने कार्रवाई करते हुए अवैध खनन भंडारण के मामलों में 4 एफआईआर दर्ज कराई हैं। उपायुक्त ने कहा कि प्रकृति से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ खनन और पर्यावरण अधिनियम के तहत सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। अवैध खनन के लिए प्रयोग की जा रही वाहन व मशीनरी को भी जब्त किया जाएगा। सभी एसडीएम और संबंधित विभागों को अवैध खनन पर सख्ती से निपटने के निर्देश दिए गए हैं।
हिमाचल प्रदेश की सुक्खू सरकार ने हिमकेयर योजना को संशोधित किया है। सरकार की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार सभी सरकारी सेवारत, सेवानिवृत्त अधिकारियों/कर्मचारियों को मुख्यमंत्री हिमाचल स्वास्थ्य देखभाल योजना (हिमकेयर) से तत्काल प्रभाव से बाहर कर दिया है। इसके साथ ही निजी अस्पतालों का इंपेनलमेंट 1 सितंबर 2024 से वापस लेने का निर्णय लिया गया है। अब इन अस्पतालों में हिमकेयर योजना के तहत इलाज नहीं होगा। इस संबंध में सचिव स्वास्थ्य एम सुधा देवी की ओर से अधिसूचना जारी की गई है। बीते दिनों स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धनीराम शांडिल ने सोलन में कहा था कि बहुत से लोग निजी अस्पतालों में इलाज करवाने के लिए जाते हैं। जहां पर इलाज काफी महंगा है। जिस पर सरकार का कोई नियंत्रण नहीं रहता। कुछ निजी अस्पताल मनमर्जी के रेट भी मरीजों को लगाते हैं। बताया जा रहा है कि इसी के चलते निजी अस्पतालों में हिमकेयर योजना के तहत इलाज की सुविधा को बंद करने का फैसला लिया गया है।
हिमाचल प्रदेश सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के तबादलों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का फैसला लिया है। कार्मिक विभाग की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार 5 अगस्त से तबादलों पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। मुख्यमंत्री की मंजूरी के बाद केवल सरकारी कर्मचारियों के तबादलों के ऐसे प्रस्तावों पर कार्रवाई और कार्यान्वयन किया जाएगा, जो व्यापक मार्गदर्शक सिद्धांत-2013 के पैरा 8 के तहत विशेष रूप से प्रदान की गई परिस्थितियों के अनुरूप होंगे। इस संबंध में मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना की ओर से सभी प्रशासनिक सचिवों, विभाध्यक्षों, मंडलायुक्तों व उपायुक्तों को इन निर्देशों की कड़ाई से अनुपालन के लिए सभी संबंधितों के ध्यान में लाने को कहा है। उल्लेखनीय है कि सरकार ने 1 मार्च, 2024 को जारी पत्र के जरिये बताया था कि 1 अप्रैल, 2024 से या आदर्श आचार संहिता लागू होने की तारीख से जो भी पहले हो, कर्मचारियों के सामान्य तबादलों पर प्रतिबंध फिर से प्रभावी हो जाएगा। इसी के तहत अब तबादलों पर प्रतिबंध लगाया गया है।
जसवां:प्रागपुर विधानसभा क्षेत्र के तहत लिटिल फ्लावर संस्कार हाई स्कूल की विद्यार्थी 15 वर्षीय कृष्टिका सुपुत्री संदीप कुमार निवासी गरली का चयन जवाहर नवोदय विद्यालय ऊना में हुआ है। स्कूल के मुख्याध्यापक राजीव कुमार ने भी उन्हें बधाई दी है।कृष्टिका के अभिभावकों ने भी स्कूल को बधाई दी है और कहा कि बच्चों को इस कामयाबी का पूरा श्रेय स्कूल अध्यापकों को जाता है।
राज्य स्तरीय शिक्षक पुरस्कार के लिए 70 आवेदन आ चुके हैं। जिला उपनिदेशकों के माध्यम से आवेदनों की जानकारी निदेशालय को देने का कार्य अभी भी जारी है। 5 अगस्त को इस बाबत शिक्षा सचिव की अध्यक्षता में पहली बैठक होगी। इस बैठक में आवेदनों की छंटनी की जाएगी। इस बार से साक्षात्कार के आधार पर सामान्य श्रेणी क्षेत्रों के 15 और जनजातीय एवं दुर्गम क्षेत्रों के 9 शिक्षकों का चयन किया जाएगा। फ्लैगशिप योजनाओं के सफल क्रियान्वयन और इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए छह विशेष पुरस्कार भी प्रदान किए जाएंगे। बेहतर परीक्षा परिणाम देने वाले शिक्षकों को चयन में प्राथमिकता मिलेगी। चयनित शिक्षकों को पांच सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर राज्यपाल सम्मानित करेंगे। उधर, राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार के लिए 28 आवेदन आए हैं। अब इन आवेदनों की छंटनी कर केंद्र सरकार को कुछ नाम भेजे जाएंगे। गैर शिक्षण कार्य करने वाले शिक्षक राज्य शिक्षक पुरस्कार के लिए पात्र नहीं होंगे। वार्षिक परीक्षा परिणाम के आधार पर शिक्षकों को अंक दिए जाएंगे। शिक्षा सचिव की अध्यक्षता वाली कमेटी साक्षात्कार भी लेगी। 24 शिक्षकों का आवेदनों के आधार पर चयन होगा। 6 शिक्षकों को उनके कार्यों के आधार पर सरकार खुद चुनेगी। ऐसे शिक्षक जिनके पास कम से कम पांच वर्ष का शिक्षण अनुभव और प्रधानाध्यापक, प्रधानाचार्य के मामले में पांच वर्ष का प्रशासनिक अनुभव होगा, वो ही चयन के लिए पात्र होंगे। सेवानिवृत्त शिक्षक पुरस्कार के लिए पात्र नहीं होंगे। वे शिक्षक जिन्होंने चालू वर्ष की 31 मार्च तक सेवा की है, वे पात्र होंगे यदि वे अन्य सभी शर्तों को पूरा करते होंगे। विशेष पुरस्कार की श्रेणी में डाइट, एससीईआरटी, एसएसए और आरएमएसए में तैनात शिक्षकों को पुरस्कार दिया जाएगा। जिन शिक्षकों के पिछले पांच सालों की एसीआर गुड ग्रेड से नीचे है, उन्हें भी यह पुरस्कार नहीं मिलेंगे। बोर्ड कक्षाओं में कम से कम 75 फीसदी रिजल्ट हर साल देने वाले शिक्षकों को प्राथमिकता मिलेगी। मुख्य अध्यापकों और प्रधानाचार्यों के लिए 75 फीसदी रिजल्ट की शर्त रखी गई है।
हिमाचल प्रदेश में प्राकृतिक आपदा के चलते पर्यटन कारोबार को बड़ा झटका लगा है। पर्यटन स्थल सूने हैं। हिमाचल में अब तक ढाई हजार सैलानियों ने बुकिंग रद्द या होल्ड कर दी है। इसके अलावा ट्रैकिंग ट्रिप पर जाने का कार्यक्रम भी सैलानियों ने स्थगित कर दिया है। हालांकि बरसात के चलते हिमाचल में इन दिनों ऑफ सीजन चल रहा है, लेकिन इन दिनों में भी होटलों में 30 से 40 फीसदी तक एक्यूपेंसी रहती है। लेकिन प्राकृतिक आपदा के आपदा वीकेंड पर भी ऑक्यूपेंसी 10 फीसदी से कम है। हिमाचल की राजधानी शिमला के अलावा मनाली, धर्मशाला, मैक्लोडगंज, चंबा और डलहौजी में होटलों के कमरे खाली चल रहे हैं। उल्लेखनीय है कि हिमाचल प्रदेश में बीते साल 2023 में प्राकृतिक आपदा के चलते पर्यटन कारोबार पूरी तरह से प्रभावित हुआ था। उस समय कारोबारियों को करोड़ों की चपत लगी थी। आपदा के चलते कुल्लू-मंडी और मनाली में तबाही के डर से सैलानी पर्यटन नगरी धर्मशाला-मैक्लोडंगज आने से भी कतरा रहे हैं। वीकेंड पर एक आध कमरे की ही बुकिंग हो रही है। धर्मशाला का पर्यटन स्थल मैक्लोडगंज और भागसूनाग भी वीकेंड पर सूना है। हालांकि पर्यटन कारोबारियों को 15 अगस्त की छुट्टियों के दौरान तीन-चार दिन के लिए अच्छे कारोबार की उम्मीद है। होटल एसोसिएशन धर्मशाला के अध्यक्ष अश्विनी बांबा का कहना है कि बरसात में होटलों में एक-दो कमरे ही लग पा रहे हैं। ऑफ सीजन में सैलानियों को होटलों में 30 फीसदी तक छूट भी दी जा रही है, लेकिन फिर भी वीकेंड पर ऑक्यूपेंसी 15 फीसदी भी नहीं पहुंच रही। हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम के एजीएम नवदीप थापा ने बताया कि बरसात के मौसम में प्रदेश में हो रही तबाही के कारण सैलानियों में डर का माहौल है। पर्यटन कारोबार काफी कम हो गया है। निगम के होटलों में सैलानी बुकिंग रद्द करवा रहे हैं। सैलानी हिमाचल आने से डर रहे हैं। टूरिस्टों ने ट्रैकिंग ट्रिप होल्ड कर दिए हैं। अगर भारी बारिश का क्रम थम जाता है तो करीब 15 दिन बाद स्थिति सुधरने की उम्मीद है।
हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश ने कहर बरपाया है। बादल फटने से नालों में आई बाढ़ से कई लोग लापता हुए हैं। वहीं, भारी बारिश के साथ आए तेज तूफान ने किसानों और बागवानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है। प्रदेश में सेब की फसल तैयार है। इस बीच तेज तूफान के कारण पेड़ों से झड़ कर सेब के खेतों में ढेर लग गए हैं। ऐसे में सरकार ने बागवानों की पीड़ा को समझते हुए उन्हें राहत पहुंचाने का फैसला लिया है। इसके लिए एपीएमसी ने निर्धारित समय से पहले झड़े हुए सेब को खरीदने का फैसला लिया है, ताकि बागवानों का नुकसान होने से बचाया जा सके। बागवानी मंत्री जगत सिंह नेगी ने कहा कि दो दिन पहले मौसम बिगड़ने की वजह से सेब की फसल को नुकसान हुआ है। ऐसे में आपदा प्रभावित क्षेत्रों में एचपीएमसी को बागवानों से सेब की खरीद करने को कहा गया है, जिसके लिए बागवानी को एचपीएमसी के केंद्र प्रभारियों से लिखित में आवेदन करना होगा। एचपीएमसी ने शुरुआती तौर पर अभी 20 केंद्रों पर सेब की खरीद शुरू कर दी है। इसके अलावा अगले कुछ दिनों में आपदा प्रभावित क्षेत्रों सहित कम ऊंचाई वाले सेब बहुल क्षेत्रों में 40 के करीब क्षेत्रों में सेब खरीद शुरू हो जाएगी।
हिमाचल प्रदेश के तीन जिलों में बादल फटने से आई बाढ़ के बाद लापता हुए 45 से अधिक लोगों का पता लगाने के लिए बचावकर्मियों ने ड्रोन तैनात किये हैं। अधिकारियों ने यह जानकारी शुक्रवार को दी। बुधवार रात तीन जिलों- कुल्लू, मंडी और शिमला में बादल फटने से अचानक बाढ़ आने के बाद मंडी के राजबन गांव से दो शव और कुल्लू के निरमंड से एक शव बरामद किया गया। जानकारी के अनुसार तीन शवों की बरामदगी के साथ, कुल्लू, मंडी पधर और शिमला के रामपुर उपमंडल के निरमंड, सैंज और मलाणा क्षेत्रों में अचानक आई बाढ़ के कारण मरने वालों की संख्या आठ हो गई है। 45 लोग अभी लापता हैं, जिनकी तलाश की जा रही है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुखू ने शिमला और कुल्लू जिले की सीमा पर स्थित समेज जाकर हालात का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि लापता लोगों में 17-18 महिलाएं और 8-9 बच्चे शामिल हैं। उन्होंने पीड़ितों के लिए 50 हजार रुपये की तत्काल राहत और अगले तीन महीने तक 5,000 रुपये प्रति माह किराया देने की भी घोषणा की। इसके अलावा, गैस, खाद्य सामग्री और अन्य आवश्यक सामग्री भी मुहैया कराई जाएगी।
बादल फटने और बाढ़ आने से प्रदेश में 17 पुल ढहे और क्षतिग्रस्त हुए है। प्रदेश सरकार ने जरूरत के मुताबिक इन जगहों पर बेली ब्रिज लगाने के निर्देश दिए हैं। सेब बहुल क्षेत्रों की सड़कें दुरुस्त करने को कहा है। जिन सड़कों को ज्यादा नुकसान हुआ है और समय रहते ठीक नहीं हो सकती हैं, उन क्षेत्रों के लिए वैकल्पिक मार्ग बनाने के निर्देश दिए हैं। प्रभावित क्षेत्रों के लिए डोजर और जेसीबी लगाए गए हैं। प्रदेश सरकार ने विभाग से प्रतिदिन रिपोर्ट मांगी है। बीते साल आई आपदा से सबक लेते हुए सरकार ने पहले ही बेली ब्रिज खरीद रखे थे। जोन स्तर पर इन ब्रिजों को रखा गया था। अब इन वेली ब्रिज को जिला शिमला, मंडी, कुल्लू के लिए भेजा जाएगा। हालांकि इससे पहले लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर क्षतिग्रस्त पुलों का निरीक्षण करेंगे। अगर कोई पुल रिपेयर करने योग्य होगा तो उसकी मरम्मत होगी। जो पुल ढह गया है, वहां तुरंत बेली ब्रिज लगाने का काम शुरू हो जाएगा। लोक निर्माण विभाग का दावा है कि जिला कुल्लू के निरमंड में सबसे ज्यादा 9 पुल ढहे व क्षतिग्रस्त हुए हैं। इसके अलावा प्रदेश में प्राकृतिक आपदा के चलते 455 सड़कें यातायात के लिए प्रभावित हुई हैं। कई सड़कें ऐसी हैं, जिनका नामोनिशान मिट गया है। हालांकि विभाग का दावा है कि 100 से ज्यादा सड़कें यातायात के लिए बहाल की गई हैं। वहीं, लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर इन चीफ नरेंद्र पॉल ने कहा कि विभाग का हर कर्मचारी मुस्तैदी के साथ सड़कों को बहाल करने में डटा है। लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि प्राकृतिक आपदा के चलते विभाग को अब तक 300 करोड़ से ज्यादा का नुकसान हुआ है। सड़कें और पुुल टूटने से लोगों की परेशानी बढ़ी है। ऐसे में जहां जहां पुल ढह गए हैं, वहां बेली ब्रिज लगाए जाएंगे।
इन्दौरा/ मनीष ठाकुर: आयुष्मान कार्ड को लेकर हिमाचल प्रदेश में हुई ईडी की रेड पर कैबिनेट मंत्री रैंक एवं नगरोटा बगवां के विधायक आरएस बाली ने एक अहम प्रेस कॉन्फ्रेंस की. प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुई कहा कि ये प्रेस कॉन्फ्रेंस पिछले दो दिन के घटनाक्रम को लेकर की जा रही है। ऐसा इसलिए क्योंकि ईडी रेड को लेकर मेरे पास नगरोटा बगवां समेत हिमाचल प्रदेश के कोने-कोने से लोगों के फोन आ रहे था. ऐसे में ये प्रेस कॉन्फ्रेंस करना बहुत जरूर हो गया था। आरएस बाली बोले विकास पुरुष श्री जीएस बाली के जन्मदिवस के उपलक्ष में बाल मेला आयोजित किया गया था। जिस बाल मेला में रोजगार से लेकर मेडिकल कैंप का लाभ प्रदेश भर से आए लोगों ने लिया। इस बाल मेला से हम अभी फ्री हुए थे कि एक चीज सामने आ गई। उन्होंने कहा हिमाचल में कई जगह जांच एजेंसी गईं और सुबह साढ़े 8 बजे मुझे मेरी बुआ जी का फोन आया. मैं अपनी धर्मपत्नी और अपने बेटे को लेकर छुट्टियों में एक दिन पहले मैक्लोडगंज आया था। आरएस बाली आगे बोले प्रेस में कई तरह की खबरें छपी जिसे क्लियर करना जरूरी है. किसी ने छापा कि मैं दिल्ली से आया और मुझे एयरपोर्ट से ईडी के साथ घर लाया गया, लेकिन ऐसा कुछ नहीं था। मेरी बुआ जी का फोन आया कि यहां कुछ जांच एजेंसी के अधिकारी आए हैं। तो मैंने कहा कि आप इनको पूरा सपोर्ट करिए, ये लोग जहां जाना चाहें वहां जाने दीजिए। आरएस बाली ने कहा मैं खुद अपने आप वहां पहुंच रहा हूं, सिर्फ मैंने अपने बेटे से कहा था कि हमने मंदिर जाना है, तो मैं मैक्लोडगंज से बैजनाथ मंदिर गया और अपनी पत्नी और अपने बेटे के साथ मैंने भोलेनाथ जी के दर्शन किए, मैंने माथा टेका और ये सबकुछ सीसीटीवी पर है, सबकुछ कैमरे में है, क्योंकि वहां पर भी कैमरे लगे हैं। आरएस बाली बोले वहां पर दर्शन करने के बाद मैंने एक और वादा किया था हमारे ब्लॉक के अध्यक्ष चौधरी मान सिंह जी उनके बेटे की तबीयत बहुत खराब है. मुझे लगा कि अब जब ये जांच एजेंसियां काम करेंगी तो हो सकता है मेरे दो तीन दिन लग जाएं. उनका बेटा जो था उसकी हालत बहुत गंभीर थी तो मैंने सोचा कि मैं पहले अपने ब्लॉक अध्यक्ष चौधरी मान सिंह जी के घर जाऊंगा. मैं उनके घर पहुंचा और अपनी पत्नी और बेटे के साथ उनके बेटे से मिला। आधे घंटे उनसे मिलने के बाद मैंने कहा मैं आधे घंटे में घर पहुंच जाऊंगा। आरएस बाली ने कहा मैं खुद बिना किसी दबाव के जांच में सहयोग देने के लिए अपनी पत्नी और बेटे साथ अपने घर पहुंचा। मैं जब घर पहुंचा तो वहां जांच एजेंसी के लोग अपना काम कर रहे थे. पूरे देश में आयुष्मान भारत योजना में बहुत सी अनियमितताएं पाई गई हैं। उन्होंने कहा आयुष्मान भारत में एक गरीब और जरूरतमंद मरीजों का इलाज होता है. किसी मरीज के साथ धोखाधड़ी होना संगीन मामला है। अगर किसी अस्पताल ने धोखाधड़ी की है तो जांच होना बहुत जरूरी है और उस पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए. इसमें कुछ भी राजनीति से प्रेरित नहीं है। देश के बहुत से अस्पतालों में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री स्वास्थ्य योजना के अंतर्गत अनियमितताएं और धोखाधड़ी पाई गई हैं और यह बहुत गंभीर मामला है। आरएस बाली ने कहा इस कड़ी में कांगड़ा समेत हिमाचल के अलग-अलग जगह यह छापामारी हुई है.कांगड़ा के अंतर्गत हमारा एक भवन है, जिसे फोर्टिस कंपनी को अस्पताल चलाने के लिए पिछले तेरह सालों से दिया हुआ है। मेरे परिवार का इसमें कोई हस्तक्षेप नहीं है। फिर भी उपलब्ध रिकॉर्ड के अनुसार वर्ष 2020 से यह अस्पताल आयुष्मान भारत योजना से जुड़ा है। उन्होंने आगे कहा कि फोर्टिस अस्पताल में आयुष्मान भारत पीएम केयर योजना में महज 22 लोगों का उपचार हुआ और इस पर 4,85,500 रुपये खर्च हुए हैं। ईडी की टीम मरीज से संबंधित रिकॉर्ड लेने के लिए यहां आई थी। मरीजों के फोन नंबर, आधार कार्ड, पैन नंबर समेत जो-जो जानकारी ईडी के अधिकारियों ने मांगीं थी, वह प्रत्येक जानकारी उन्हें उपलब्ध करवाई गई हैं। घर पर राशन समेत अन्य जरूरतें पूरा करने के लिए जितना पैसा चाहिए होता है, उतना ही पैसा मेरे आवास पर भी रहता है। सारे भुगतान बैंक चेक से होते हैं। आरएस बाली ने कहा कि इसके अलावा जांच एजेंसियों को कुछ भी बरामद नहीं हुआ। मुझे न तो ईडी के किसी अधिकारी का फोन आया और न ही किसी अन्य तरह कोई दबाव था।
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज जिला शिमला के रामपुर में बादल फटने के कारण प्रभावित हुए समेज क्षेत्र का दौरा कर राहत और पुनर्वास कार्यों का जायजा लिया। इस दुःखद् घटना पर शोक व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त की और आपदा प्रभावितों के लिए तत्काल राहत पैकेज की घोषणा की। उन्होंने कहा कि प्रत्येक आपदा प्रभावित परिवार को तत्काल वित्तीय सहायता के रूप में 50 हजार रुपये और किराए पर आवासीय सुविधा के लिए तीन महीने के लिए प्रतिमाह पांच हजार रुपये प्रदान किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त, प्रदेश सरकार भोजन, रसोई गैस, कंबल और चूल्हे जैसी मूलभूत वस्तुएं निःशुल्क प्रदान करेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार प्रभावित परिवारों को राहत प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने आपदा प्रभावितों को आश्वासन दिया कि उनके घरों के पुनर्निर्माण के लिए शीघ्र वित्तीय सहायता की घोषणा की जाएगी। उन्होंने जिला प्रशासन को विस्थापित परिवारों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करने के निर्देश दिए ताकि इन परिवारों को किसी असुविधा का सामना न करना पड़े। ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला समेज के विद्यार्थियों से भेंट की, जिनके आठ सहपाठी इस घटना के बाद लापता हैं। आठवीं कक्षा के विद्यार्थी राखी और कार्तिक ने मुख्यमंत्री को बताया कि इस घटना से वे सदमें में हैं और उनका स्कूल पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया है। मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों को ढाढस बंधाते हुए उन्हें हौसला रखने और परिवार का सहयोग करने के लिए कहा। मुख्यमंत्री ने उन्हें आश्वासन दिया कि उनकी शिक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक बेहतर और बड़ा स्कूल फिर से निर्मित किया जाएगा। समेज की निवासी बिमला देवी ने बादल फटने की घटना वाली भयानक रात को याद करते हुए मुख्यमंत्री से कहा कि गांव के लोग डर के साए में जी रहे हैं। मुख्यमंत्री ने आपदा प्रभावितों के दुःख-दर्द को साझा किया और आश्वासन दिया कि राज्य सरकार आपदा प्रभावितों को हर संभव सहायता प्रदान करेगी। दुःख की इस घड़ी में प्रदेश सरकार प्रभावित परिवारों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी है और आपदा प्रभावितों को भरपूर सहयोग प्रदान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस आपदा को झेल रहा हर प्रभावित परिवार मेरे परिवार के सदस्य के समान है और प्रभावित परिवारों के लिए शीघ्र ही आपदा राहत की घोषणा की जाएगी। उन्होंने जानकारी दी कि समेज में 33 लोग लापता हैं और आपदा में फंसे दस लोगों को सफलतापूर्वक सुरक्षित बचा लिया गया है। इसके अलावा गांव में 38 घर और दो पुल क्षतिग्रस्त हुए हैं। बाद में समेज में पत्रकारों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि शिमला, मंडी और कुल्लू में बादल फटने और भारी बारिश से मानव जीवन और संपत्ति को काफी ज्यादा नुकसान पहुंचा है। इन जिलों में पांच स्थानों पर बादल फटेे हैं जिससे क्षेत्र में हर तरफ तबाही का खौफनाक मंजर दिख रहा है। उन्होंने कहा कि इन जिलों में यातायात और पैदल चलने योग्य 14 पुल, 115 घर, 23 गोशाला, 10 दुकानें और मछली फॉर्म की तीन दुकानें तबाह हो गई हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार युद्ध स्तर पर बचाव और राहत कार्य कर रही है। अब तक आपदा में फंसे 55 लोगों को सुरक्षित बचाया जा चुका हैै। लापता लोगों की तलाश के लिए बचाव टीमें दिन-रात जुटी हुई हैं। उन्होंने कहा कि प्रशासन को पूरी तरह मुस्तैद रहने के निर्देश दिए गए हैं। लोक निर्माण विभाग को प्राथमिकता के आधार पर सड़कों को बहाल करने के लिए कहा गया है ताकि लोगों को असुविधा का सामना न करना पड़े। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर, सातवें वित्त आयोग के अध्यक्ष नदंलाल, आनी के विधायक लोकेंद्र कुमार, उपायुक्त शिमला अनुुपम कश्यप, उपायुक्त कुल्लू तोरूल एस. रवीश और अन्य अधिकारी इस दौरान उपस्थित थे।
कागंड़ा /इंदौरा : मिनर्वा कॉलेज ऑफ एजुकेशन इंदौरा में बी.एड प्रथम सत्र के परीक्षा परिणाम में अव्वल आए छात्रों का शानदार प्रदर्शन रहा। इसमें सभी प्रशिक्षु अध्यापकों ने प्रथम श्रेणी में आकर कॉलेज का नाम रोशन किया है। इसमें से 25 छात्रों ने 81से 85% और 47छात्रों ने 76से 80 % एवं 26 छात्रों ने 71 से 75% और 65 से 70%अंक प्राप्त किए हैं। यह परीक्षा परिणाम शैक्षणिक योग्यता की सफलता को दर्शाता है। सभी बच्चों ने प्रदेश भर में प्रथम स्थान प्राप्त करके मिनर्वा कॉलेज का नाम रोशन किया है। इसके अलावा कोई भी विद्यार्थी किसी भी विषय में अनुत्तीर्ण नहीं है। आंचल सोनी, काजल और मिनाक्षी ने 82.2% अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान व शीतल और तनीषा शर्मा ने 82.% अंक प्राप्त कर द्वितीय स्थान तथा अविनाश डडवाल, अक्षय,दिवांशी और अदिति सुपहिया ने 81.7% अंक प्राप्त कर तृतीय स्थान प्राप्त किया है । मिनर्वा कॉलेज ऑफ एजुकेशन प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष चेयरमैन जे. एस पटियाल ने सभी छात्रों और अध्यापक वर्ग को बधाई दी और कहा कि यह हमारे लिए बहुत ही गर्व की बात है कि हमारे कॉलेज के छात्रों ने हर साल की तरह अच्छे अंक प्राप्त करके प्रदेश भर में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। यह हमारे लिए बहुत ही सौभाग्य की बात है। मिनर्वा कॉलेज ऑफ एजुकेशन के प्रिंसिपल डॉ प्रशांत कुमार ने सभी विद्यार्थियों को उनकी सफलता पर बधाई देते हुए सम्मानित किया। कहा कि हमें अपने विद्यार्थियों पर गर्व है जो लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहे है तथा महाविद्यालय का नाम रोशन कर रहे है। और उन्होंने बताया कि वार्षिक पारितोषिक वितरण समारोह में अव्वल आए मेधावी छात्रों को सम्मानित किया जाएगा।
कुनिहार:-आज शिव कुमार (उप निदेशक प्राथमिक शिक्षा, सोलन) की अध्यक्षता में एक बैठक आयोजित की गई। इसमें विभिन्न प्रखंडों के बीईईओ ने भाग लिया। प्राचार्य केके यादव ने अतिथियों का स्वागत किया। प्राचार्य केके यादव ने जवाहर नवोदय विद्यालय चयन परीक्षा की प्रवेश प्रक्रिया समझाते हुए इसमें आने वाली समस्याओं का जिक्र किया और उसका समाधान भी बताया। प्राचार्य केके यादव ने आए हुए बीईईओ से प्रवेश प्रक्रिया पर खुलकर चर्चा की और सहयोग की अपील की। उपनिदेशक शिव कुमार ने उनकी टीम को हरसंभव सहयोग देने का वादा किया। अंत में अतिथियों को सम्मानित किया गया।
मनीष ठाकुर/इन्दौरा: पूर्व छात्र संघ (OSA) सदस्यों की प्राचार्या डॉक्टर सुमीक्षा गुप्ता तथा सलाहकार समिति के साथ बैठक हुई। बैठक में महाविद्यालय में नैक के संदर्भ के बारे में कार्य करने के बारे मे बताया गया और उसके समाधान हेतु विभिन्न पहलुओं से अवगत करवाया तथा विचार विमर्श किया गया। इस संदर्भ में सदस्यों ने कार्य प्रणाली की प्रशंसा की। तथा नेक कार्य करने में सहयोग करने का आश्वासन दिया। इस अवसर पर OSA के प्रधान एडवोकेट पंकज शर्मा ने ₹21000 का अनुदान दिया OSAनिधि में ₹21000 का दियाl इस इस बैठक में OSA के सदस्य कुलदीप शर्मा अजीज ,अभिनय शुभम मोहन कुलदीप उपस्थित रहे। अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्य डॉक्टर समीक्षा गुप्ता, OSAके सचिव डॉक्टर कमल सिंह ने सभी का स्वागत किया तथा महाविद्यालय की सलाहकार समिति के सदस्यों में डॉक्टर अवस्थी ,प्रोफेसर योगेश, प्रोफेसर कुलवंत परमार प्रोफेसर अंजना तथा राजेंद्र पाल उपस्थित रहे।
काँगड़ा: उपमंडल ज्वालामुखी के गांव करयाडा निवासी 93 वर्षीय पूर्व सैनिक सिपाही शक्ति चंद का अल्प बीमारी के उपरांत शुक्रवार सुबह देहांत हो गया। पूर्व सैनिक लीग खुंडियां ज्वालामुखी के अध्यक्ष रिटायर्ड कर्नल एम एस राणा ने बताया कि शक्ति चंद इक्कीस वर्ष की आयु में अगस्त 1954 में सेना में भर्ती हुए थे। 1962 भारत चीन युद्ध और 1965 व 1971 के भारत पाक युद्ध का हिस्सा रहे शक्ति चंद 1973 में 15 डोगरा से सेवानिवृत हुए थे। इलाके में अच्छी पैठ रखने वाले दिवंगत पूर्व सैनिक ने तदोपरांत खेती में हाथ आजमाया और अपनी पंचायत के वार्ड पंच भी रहे। शुक्रवार को स्टेशन हेडक्वार्टर योल के सैन्य दल ने सेना प्रमुख की ओर से श्रद्धासुमन अर्पित किए तथा अंतिम सलूट दिया गया। इस अवसर पर इलाके के रिटायर्ड कर्नल हेम राज, कैप्टन रणवीर, कैप्टन विजय, सूबेदार जगदीश, हवलदार रविंद्र, हवलदार धनी राम के इलावा अनेक गणमान्य लोग शामिल हुए तथा परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।
हिमाचल प्रदेश में बारिश के बाद आई भारी तबाही ने सभी को चौंका कर रख दिया। गुरूवार देर रात आई बारिश ने किसी को आपनो से दूर किया तो किसी के आशियानों की उजाड़ कर रख दिया लेकिन बारिश का ये कर्म अभी यही नहीं रखने वाला। मौसम विभाग केंद्र शिमला ने आगामी पांच दिनों के लिए भी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। 2 से 7 अगस्त तक कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना ज़ाहिर की है। जिसमें मंडी , शिमला , सिरमौर ,कांगड़ा, बिलासपुर और हमीरपुर शामिल है। मौसम विभाग ने लोगों को नदी नालो से दूर रहने की भी अपील की है। मौसम विभाग के इस पूर्वानुमान के बाद प्रदेश के लोगों डर भी बैठ गया है। अगस्त महीने की शुरुआत के साथ ही प्रदेशभर से ऐसी ऐसी खबरे सामने आई कि लोग अभी भी डरे और सहमे हुए है।


















































