हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड सोलन से प्राप्त जानकारी के अनुसार 03 अक्तूबर, 2025 को विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। यह जानकारी अतिरिक्त अधीक्षण अभियंता सोलन राहुल वर्मा ने दी। राहुल वर्मा ने कहा कि 03 अक्तूबर, 2025 को प्रातः 10.00 बजे से प्रातः 10.30 बजे तक तथा सांय 03.00 बजे से सांय 03.30 बजे तक सेंटर प्राईम मॉल (हवेली), शांडिल निवास, सेंट ल्यूक्स स्कूल, एस.आई.एल.बी., जौणाजी रोड, नडोह धाली, शक्ति नगर, क्षेत्रीय अस्पताल, शिल्ली रोड, मोहन कॉलोनी, शूलिनी माता मंदिर, दुर्गा क्लब, नरसिंह मंदिर, अस्पताल मार्ग, चौक बाज़ार, गंज बाज़ार, मधुबन कॉलोनी, कोटला नाला, ऑफिसर्स कॉलोनी, साहनी कॉपलेक्स, ठोडो मैदान, लक्कड़ बाज़ार, राजगढ़ रोड़, नगर निगम, डांग कॉपलेक्स, सर्कुलर रोड, रैनॉल्ट शो रूम, जवाहर पार्क, हरि मंदिर, धोबी घाट तथा आस-पास के क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने कहा कि 03 अक्तूबर, 2025 को ही प्रातः 10.00 बजे से सांय 03.30 बजे तक शर्मा बैंकट हॉल के समीप जौणाजी रोड़, शूलिनी नगर तथा आस-पास के क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने कहा कि मौसम तथा अपरिहार्य कारणों से उक्त समय व तिथि में परिवर्तन किया जा सकता है। उन्होंने प्रभावित क्षेत्रों के उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील की है।
HRTC से सेवानिवृत्त कर्मचारियों को 30 तारीख बीतने के बाद भी मासिक पेंशन नहीं मिली है। मासिक पेंशन न मिलने से पेंशनर खासे नाराज हैं। दूसरी तरफ निगम प्रबंधन अपने वित्तीय स्थिति का रोना रो रहा है। निगम के पास जो बजट था, उससे 65 वर्ष से अधिक आयु के पेंशनरों को मासिक पेंशन जारी कर दी। हालांकि ये पेंशन शिमला, मंडी सहित कुछ स्थानों पर ही मिली। कुछ को पेंशन मिली ही नहीं भले ही उनकी उम्र 65 वर्ष से अधिक क्यों न हो गई हो। निगम प्रबंधन के इस रवैये से पेंशनर खासे नाराज है। उन्होंने अब सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलने का ऐलान कर दिया है। 15 अक्तूबर को एचआरटीसी पेंशनर्स संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले निगम मुख्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन करेंगे। इसके बाद पेंशनर सचिवालय जाएंगे व वहां पर भी प्रदर्शन करेंगे। एसोसिएशन के सचिव राजेंद्र ठाकुर ने बताया कि इसको लेकर निगम प्रबंधन को ज्ञापन भेज दिया है। इसके लिए उन्होंने चालक, परिचालक सहित अन्य यूनियनों का भी सहयोग मांगा है। पेंशनरों ने सरकार को चेतावनी दी कि उनकी मांगों को नहीं माना जाता तो वह आने वाले दिनों में अपने आंदोलन को तेज करेंगे। पेंशनरों का आरोप है कि उन्हें पिछले करीब एक साल से समय पर पेंशन नहीं मिल रही है। अगस्त महीने में भी पेंशनरों को 30 तारीख को मासिक पेंशन मिली थी। इस बार तीस को भी सभी पेंशनरों को पेंशन नहीं मिल पाई है। पेंशनरों का कहना है कि पिछले दो सालों से चिकित्सा बिलों का भुगतान नहीं हुआ है और एरियर व डीए का भुगतान भी लंबित है। लंबित भत्ते तो दूर की बात अब निगम प्रबंधन द्वारा पेंशनरों को निर्धारित समय पर पेंशन की अदायगी नहीं की जा रही है। एचआरटीसी को हर महीने 23.50 करोड़ मासिक पेंशन के लिए चाहिए होते हैं। पेंशनरों की संख्या करीब 8500 हैं। राज्य सरकार हर महीने एचआरटीसी को ग्रांट इन एड जारी करती है। इस महीने 56 करोड़ का बजट सरकार ने निगम को दिया था। इसमें से 46 करोड़ वेतन पर खर्च हो गए हैं। निगम ने सरकार से 12.60 करोड़ की अतिरिक्त ग्रांट मांगी थी। लेकिन सरकार ने केवल एक करोड़ दिया। निगम ने यह बजट वापिस कर अतिरिक्त ग्रांट मांगी है ताकि पेंशनरों की मासिक पेंशन जारी की जा सकें।
हिमाचल प्रदेश के जिला मंडी के सदर क्षेत्र में कटिंडी गांव में दिनदहाड़े 11 लाख रुपये की चोरी हुई। जिस समय चोरी हुई घर की महिला बुजुर्ग खेत गई थी और बहू शादी में गई थी। बताया जा रहा है कि निर्मला देवी अपनी बहू के साथ रहती है। इनका घर गांव से किनारे पर अकेला है और इनका बेटा बाहर नौकरी करता है। घर अकेला होने का फायदा चोरों ने उठाया। उन्होंने पहले मकान की रेकी कर रखी थी। निर्मला देवी की बहू सोमवार को शादी समारोह में गई थी और खुद बुजुर्ग महिला खेतों में। जब वह वापस आई तो उसने देखा कि घर के मुख्य गेट की ग्रिल का बड़ा ताला टूटा था। उन्होंने इसकी सूचना अपनी बहू पल्लवी को दी। जब बहू घर आई तो अंदर जाकर देखा तो तीन बेडरूम में रखी अलमारियों व लाॅकर को भी चोरों ने तोड़ डाला था। चोरों ने इनमें रखे दो मंगलसूत्र, तीन जोड़ी झुमके, तीन अंगूठियां, नौ नथ, एक टीक, एक क्लिप, दो जोड़ी कांटे, चांदी की ब्रेस्लेट, पायलें तीन जोड़ी तथा 22000 रुपये कैश गायब था। इसकी कुल लागत 11 लाख रुपये बनती है। बहू ने इसकी सूचना पुलिस को दी। कटिंडी में दिन दिहाड़े चोरी होने पर लोगों में भी दहशत का माहौल बना हुआ है। वहीं पुलिस ने मौके पर पहुंचकर छानबीन आरंभ कर दी है। एसएचओ पद्धर सौरभ ने बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। जल्द चोरों को पकड़ लिया जाएगा।
द लॉरेंस स्कूल सनावर में तीन दिन से चल रही बॉलीवुड फिल्म धुरंधर की शूटिंग सोमवार शाम खत्म हो गई। शूटिंग खत्म होते ही बॉलीवुड अभिनेता रणवीर सिंह स्कूल के खेतरपाल स्टेडियम में बच्चों के बीच पहुंचे। रणवीर सिंह ने छात्रों के साथ संवाद किया और बच्चों के साथ फिल्मी गाने पर झूमते भी नजर आए। सनावर में धुरंधर फिल्म का निर्देशन आदित्य धर ने किया। इस दौरान उनकी पत्नी अभिनेत्री यामी गौतम भी सनावर पहुंची थी। इस अवसर पर द लॉरेंस स्कूल सनावर के प्रधानाचार्य हिम्मत सिंह ढिल्लों ने कहा कि लॉरेंस स्कूल न केवल शैक्षिक उत्कृष्टता और छात्रों के समग्र विकास के लिए जाना जाता है बल्कि सनावर के पर्यावरण एवं सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण के लिए भी प्रसिद्ध है। यही अनूठा वातावरण स्कूल परिसर को फिल्म उद्योग के लिए आकर्षक बनाता है। उन्होंने अभिनेता रणवीर सिंह को सम्मानित भी किया। स्कूल के पीआरओ आरएस चौहान ने कहा कि धुरंधर फिल्म की शूटिंग तीन दिन तक परिसर में चली। उन्होंने बताया कि लॉरेंस स्कूल सनावर लंबे समय से कई बॉलीवुड हस्तियों के लिए पसंदीदा संस्थान रहा है। पिछले कुछ सालों में सनावर फिल्म इंडस्ट्री के लिए विशेष रूप से उभरा है। साथ ही यहां पर मेघदूत, क्रैकडाउन, बंदिश बैंडिट, धुरंधर व अन्य कई फिल्मों व वेबसीरीज की शूटिंग हुई है।
प्राकृतिक आपदा की मार झेल चुके कुल्लू में दो दिन बाद सबसे बड़ा देव महाकुंभ दशहरा उत्सव शुरू होने वाला है। यह दशहरा उत्सव 2 अक्तूबर से 8 अक्तूबर तक धूमधाम से मनाया जाएगा। वहीं आपदा को भूलकर देव समाज भी महाकुंभ के सफल आयोजन के लिए पूरी तरह से तैयार है। इस बार 300 से ज्यादा देवी-देवताओं को कुल्लू दशहरा उत्सव के लिए न्योता दिया गया है। दो अक्तूबर से शुरू हो रहे उत्सव के लिए सोमवार को दूरदराज के इलाकों के देवी देवता अपने देवालयों से निकल चुके हैं। हालांकि, इस बार उत्सव में न तो बॉलीवुड गायकों की महफिल सजेगी और न ही विदेशी कलाकार अपनी संस्कृति की छटा बिखेरते नजर आएंगे। सात संध्याओं में हिमाचल के कलाकार ही रंग जमाएंगे। सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू को भी न्योता दिया गया है। दशहरा उत्सव के लिए आउटर सिराज के देवता खुडीजल महाराज, कोट पझ़ारी, जोगेश्वर महोदव, कुईकंडा नाग और टकरासी नाग पूरे लाव लश्कर के साथ उत्सव में शिरकत करेंगे। खुडीजल इस बार रघुपुर घाटी के गांव फनौटी व जलोड़ी दर्रा होकर आए हैं। इससे पहले देवता वाया गाड़ागुशैणी होकर आते थे। वहीं, खनाग से अधिष्ठाता कोट पझ़ारी सैकड़ों साल बाद आ रहे देवता कुईकंडा नाग भी दशकों बाद कुल्लू आ रहे हैं। ये सभी देवता 150 से 200 किमी दूर से आ रहे हैं। सोमवार को आउटर सराज आनी के साथ बंजार और सैंज इलाके से करीब 20 देवी देवता कुल्लू दशहरा के लिए निकल पड़े हैं। सभी देवताओं की सुरक्षा का जिम्मा स्थानीय पुलिस थाना व चौकी का होगा। कारदार शेर सिंह ठाकुर, भागे राम राणा, अमर सिंह ने कहा कि सभी देवता कुल्लू दशहरा में भाग लेने के लिए अपने अपने देवालयों से निकल गए हैं। भगवान रघुनाथ के सम्मान में मनाए जाने वाले कुल्लू दशहरा में इस बार आउटर सिराज यानी आनी-निरमंड से 16 देवता भाग लेंगे। इनमें खुडीजल महाराज, शमशरी महादेव, व्यास ऋषि, कोट पझारी, जोगेश्वर महादेव, कुईकंडा नाग, टकरासी नाग, चोतरु नाग और बिशलू नाग शामिल है। वहीं, निरमंड से देवता चंभू उर्टू, देवता चंभू रंदल, देवता चंभू कशोली, देवता शरशाई नाग, कुई कंडा नाग घाटू, भुवनेश्वरी माता दुराह, सप्तऋषि थंथल भी कई वर्षों से भाग ले रहे हैं।
हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले में बहुचर्चित अंशिका हत्याकांड में पुलिस ने आरोपी प्रवेश कुमार की निशानदेही पर भिंडला गांव के पास घने जंगल से हत्या में इस्तेमाल चाकू और रस्सी बरामद कर लिए हैं। बरामद हथियारों को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा जाएगा ताकि मामले में पुख्ता सबूत जुटाए जा सकें। पुलिस पूछताछ के दौरान आरोपी प्रवेश ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उसने बताया कि सबसे पहले उसने अंशिका का गला रस्सी से दबाकर हत्या की कोशिश की। आरोपी को लगा कि अंशिका की मौत हो गई है लेकिन थोड़ी देर बाद वह होश में आ गई। तब अंशिका ने बोला कि ये क्या कर रहे हो, तब आरोपी ने बोला- अब सब कुछ खत्म। फिर आरोपी ने पास रखे चाकू से अंशिका का गला काटने का प्रयास किया लेकिन वार पूरी तरह सफल नहीं हुआ। फिर उसने अपने साथ लाए दूसरे चाकू से गला काटकर वारदात को अंजाम दिया। फिर बाइक से पेट्रोल निकाल कर शव को आग के हवाले कर दिया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी घर लौटते समय भिंडला के पास घने जंगल में हथियार और रस्सी फेंक कर चला गया। पुलिस की जांच के दौरान इससे पहले घटनास्थल से अंशिका का क्षतिग्रस्त मोबाइल, टूटी हुई सिम बरामद हो चुकी है। एएसपी सुरिंद्र शर्मा ने कहा कि इस केस में हर संदर्भ से जांच की जा रही है।
हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले में पथ परिवहन निगम की बस दुर्घटनाग्रस्त हुई है। जिला सिरमौर के राजगढ़ उपमंडल के धाली डिब्बर से यह बस शिमला जा रही थी। मंगलवार सुबह 8 बजे के करीब बस का पट्टा टूटने के कारण यह दुर्घटनाग्रस्त हुई। ड्राइवर ने सूझबूझ दिखाते हुए बस को पहाड़ी से टकराकर सड़क पर पलटा दिया। जिससे बड़ा हादसा होने से बच गया। यदि बस खाई की तरफ असंतुलित हो जाती तो बड़ा नुकसान हो सकता था। बस में आठ यात्री सवार थे। बस हादसे में चालक और परिचालक सहित महिला को चोटें आई हैं। अन्य लोगों को मामूली चोटें लगी हैं। घायलों को स्थानीय लोग अस्पताल ले गए हैं। हादसे के बाद सड़क के दोनों ओर लंबा जाम लग गया। पुलिस व प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाल लिया। सड़क खुलवाने के लिए क्रेन मंगवाई गयी जिससे जल्द सड़क बहाल कर दी जाएगी।
जिला कुल्लू के उपायुक्त कार्यालय को 2 मई 2025 को ईमेल के माध्यम से बम की धमकी मिली थी। जाँच के दौरान, मैंगलोर और बैंगलोर से दो मोबाइल फोन ज़ब्त किए गए। इस अपराध में इस्तेमाल किया गया फोन कर्नाटक के मेडिकेरी से चुराया गया पाया गया। इसके अलावा, एक संदिग्ध, नितिन शर्मा निवासी बलजीत नगर, नई दिल्ली की पहचान हुई, जिसका तमिलनाडु, पुड्डुचेरी और हैदराबाद में इसी तरह की धमकियाँ भेजने का आपराधिक रिकॉर्ड था। आरोपी नितिन शर्मा को मैसूर पुलिस ने अगस्त 2025 में गिरफ्तार किया था और अब उसे जाँच के लिए कुल्लू लाया गया है। आरोपी का पांच दिन की पुलिस कस्टडी रिमांड हासिल किया गया है। एसपी कुल्लू डॉ. कार्तिकेयन ने कहा कि आरोपी के अंतरराज्यीय संबंधों की भी जांच की जा रही है।
कुनिहार में नवरात्रों के उपलक्ष पर विद्युत विभाग 220 केवी पावर हाउस कुनिहार में विभागीय कर्मचारियों द्वारा भंडारे का आयोजन किया गया। विभाग के अधिशासी अभियंता अनिल कुमार ने पूजा अर्चना व हवन यज्ञ में भाग लिया तथा छोटी छोटी कंजकों का पूजन कर मां को भोग लगाया। उन्होंने मां भगवती से प्रार्थना कर क्षेत्र की सुख समृद्धि की कामना की। हवन व कंजक पूजन के उपरांत भंडारा आरंभ किया गया जिसमें स्कूली बच्चों सहित स्थानीय लोगों ने भंडारे में बने व्यंजनों का आनन्द लिया। इस मौके पर सभी विभागीय कर्मचारी मौजूद रहे।
हिमाचल प्रदेश के पर्यटन स्थल मनाली में 34 दिन बाद वॉल्वो बसें टूरिस्ट लेकर पहुंची हैं। नॉर्दर्न कंपनी की एक बस सोमवार सुबह 10 बजे मनाली के वॉल्वो बस स्टैंड पहुंची। इसमें पंजाब, गुजरात, हरियाणा, दिल्ली और चंडीगढ़ के लगभग 35 टूरिस्ट सवार थे। यह बस रविवार शाम 9 बजे अमृतसर से रवाना हुई और आज सुबह 10:30 बजे मनाली वॉल्वो बस स्टैंड पहुंची। इस बस के अलावा और भी 4-5 वॉल्वो बसें मनाली पहुंची हैं। इससे पर्यटन कारोबारियों के चेहरे पर रौनक लौट आई है। 25 अगस्त को ब्यास नदी में आई भारी बाढ़ के चलते कुल्लू से मनाली सड़क मार्ग बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हुआ था। ऐसे में एनएचएआई के द्वारा लगातार सड़क को ठीक करने की कवायद की जा रही थी। हालांकि अभी भी सड़क की मरम्मत का कार्य शेष बचा हुआ है। मनाली का टूरिज्म वॉल्वो बसों पर बहुत ज्यादा निर्भर रहता है। कुछ दिनों पहले ही चंडीगढ़-मनाली फोरलेन को बड़े वाहनों के लए बहाल किया गया। इसके बाद, राज्य सरकार ने भी अपनी बसें विभिन्न राज्यों को भेजनी शुरू की। अब जाकर बाहरी राज्यों की वॉल्वो बसों की आवाजाही मनाली के लिए शुरू हो गई है। विंटर टूरिज्म से पहले सड़कों की बहाली और टूरिस्ट का मनाली पहुंचना अच्छा संकेत है। पर्यटन कारोबारियों को आने वाले दिनों में इससे अच्छे पर्यटन कारोबार की आस है। हालांकि अभी मुश्किल से 20 फीसदी ऑक्यूपेंसी हो गई है। मनाली में वॉल्वो बसों के पहुंचने के लिए इस वीकेंड तक यह 30 से 35 फीसदी पहुंचने की उम्मीद है।
देश भर में दशहरा शुरू होने से पहले रामलीला का आयोजन किया जाता हैं। विजयदशमी यानि दशहरे के दिन पूरे देश में रामलीला समाप्त होती है। दशहरा उत्सव पर रावण, मेघनाथ और कुंभकरण के पुतले जलाए जाते हैं। इसी के साथ दशहरे का भी समापन हो जाता है, लेकिन हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले में विजयदशमी से ही दशहरा उत्सव की शुरुआत होती है। हर साल मनाया जाने वाला कुल्लू दशहरा अश्विन मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि से शुरू होकर एक हफ्ते तक चलता है। इस बार कुल्लू दशहरे का आगाज 2 अक्टूबर को और समापन 8 अक्टूबर को होगा। दशहरा उत्सव जिला कुल्लू के मुख्य देवता भगवान रघुनाथ जी को समर्पित है। यहां हर साल अंतरराष्ट्रीय दशहरा उत्सव धूमधाम से मनाया जाता है। कुल्लू में विजयदशमी के बाद दशहरा मनाने के पीछे एक तर्क यह भी है कि विजयदशमी के दिन श्री राम की सेना ने रावण की सेना पर विजय पाई थी और आश्विन मास की पूर्णिमा की रात्रि रावण ने अपने प्राण त्यागे थे। पहले यहां दशहरा उत्सव विजयदशमी से लेकर पूर्णिमा तक मनाया जाता था, लेकिन बाद में इसका स्वरूप बदल गया और अब इसे 7 दिनों तक मनाया जा रहा है। कुल्लू के रघुनाथ मंदिर के मुख्य छड़ीबरदार महेश्वर सिंह ने बताया कि दशहरा या विजयदशमी के दिन भगवान राम ने रावण को तीर मारा, लेकिन रावण की मृत्यु इस दिन नहीं हुई थी। रामायण के युद्ध के दौरान विजयदशमी के दिन भगवान राम ने रावण की नाभि पर तीर मारा था और रावण की सेना पर जीत हासिल की थी। तब से लेकर पूरे भारत में विजयदशमी का त्योहार मनाया जाता है, लेकिन रावण की मृत्यु विजयदशमी के पूर्णिमा के दिन हुई थी। हालांकि दशहरा उत्सव पहले विजयदशमी से लेकर पूर्णिमा तक मनाया जाता था, लेकिन बाद में सभी की सहमति से अब कुल्लू का विश्व प्रसिद्ध दशहरा 7 दिन तक मनाया जाता है। आचार्य विजय कुमार ने बताया कि रामायण के अनुसार लंकापति रावण महान शिव भक्त होने के साथ-साथ महाज्ञानी और पंडित था। रावण को शास्त्रों से लेकर वेदों और राजनीति से लेकर संगीत तक का ज्ञान था। युद्ध में हारने के बाद रावण जब मृत्यु शय्या पर था तो भगवान राम ने लक्ष्मण को शिक्षा लेने के लिए भेजा था। आचार्य विजय कुमार ने बताया कि बाण लगने के बाद पूर्णिमा तक लक्ष्मण ने रावण से शिक्षा ली थी।
हिमाचल प्रदेश के जिला बिलासपुर में पुलिस ने नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। घुमारवीं पुलिस ने सोमवार को बलोह टोल प्लाजा के पास नाकाबंदी के दौरान एक कार से 518 ग्राम चिट्टा बरामद किया है। पुलिस ने मौके पर दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है।आरोपी 20 वर्षीय राहुल निवासी वार्ड नंबर-2, वीपीओ फतेहगढ़ चुरियां, जिला गुरदासपुर (पंजाब) और 20 वर्षीय अभी कुमार निवासी मकान नंबर 886, गली नंबर 3, चमरंग रोड, जिला अमृतसर (पंजाब) से चिट्टा बरामद किया गया है। जानकारी के अनुसार, चंडीगढ़ से कल्लू की ओर जा रही एक टेंपरेरी नंबर कार जब टोल प्लाजा पर पहुंची तो पुलिस टीम ने उसे रोकने का इशारा किया। कार में बैठे दोनों व्यक्ति पुलिस को देखकर घबरा गए। शक के आधार पर तलाशी ली गई तो बैग के अंदर दो रंगीन लिफाफे मिले। खोलकर देखने पर उनमें से चिट्टा बरामद हुआ, जिसका वजन 518 ग्राम निकला। हिमाचल प्रदेश में यह अब तक की सबसे बड़ी खेप मानी जा रही है। पुलिस आरोपितों से कड़ी पूछताछ कर पता लगाएगी कि यह नशा कहां से लेकर आए और कहां ले जा रहे थे। बताया जा रहा है तस्कर अमृतसर की तरफ से चिट्टे की खेप लेकर चंडीगढ़ पहुंचे थे और उसके बाद कुल्लू जा रहे थे। पुलिस ने दोनों आरोपितों को गिरफ्तार कर गाड़ी को भी कब्जे में ले लिया है। आरोपितों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगामी जांच शुरू कर दी गई है।
हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के कोटखाई में 10वीं की छात्रा ने हॉस्टल में सुसाइड कर लिया। जिसके बाद छात्रा को गंभीर हालात में कोटखाई अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई। मामला रविवार सुबह का है। निजी स्कूल की 10वीं कक्षा की छात्रा ने अपने हॉस्टल में आत्महत्या कर ली। सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कोटखाई के सरकारी अस्पताल में रखवाया। सोमवार को शव को पोस्टमार्टम के लिए आईजीएमसी अस्पताल शिमला भेजा गया हैं। पुलिस मामले में जांच कर रही है। हॉस्टल के सीसीटीवी की जांच की जा रही है। हॉस्टल और स्कूल में सबसे पूछताछ की जाएगी, मामले में आगामी कार्रवाई जारी है। 10वीं क्लास की ये छात्रा कोटखाई स्थित एक निजी स्कूल में पढ़ती थी। मृतका का भाई भी उसी स्कूल में 12वीं कक्षा में पढ़ता है। 16 साल की ये छात्रा हरियाणा के पानीपत की रहने वाली थी। स्कूल प्रबंधन द्वारा परिजनों को छात्रा के सुसाइड की सूचना दी गई। जिसके बाद वो लोग शिमला पहुंचे। परिजनों ने स्कूल प्रबंधन और हॉस्टल प्रबंधन पर आरोप लगाए हैं। परिजनों का कहना है कि स्कूल में ही उनकी बच्ची के साथ कुछ गलत हुआ है, जिसके कारण वो डिप्रेशन में चली गई और उसने आत्महत्या कर ली। मृतका के मामा ने बताया कि रविवार सुबह करीब 6:30 बजे स्कूल से कॉल आई थी। स्कूल की ओर से बताया गया कि हमारी बेटी हॉस्टल की छत से कूद गई है। सूचना मिलते ही सारा परिवार यहां पहुंचा। हम मामले की जानकारी लेने के लिए स्कूल पहुंचे। स्कूल में प्रिंसिपल और वार्डन ने सीसीटीवी फुटेज दिखाई गई। जिसमें बच्ची के गुमसुम होने पर सुसाइड करने का दावा किया गया। हालांकि वो वीडियो चौथी मंजिल का है, जबकि बच्ची की मौत पांचवीं मंजिल से गिरने से हुई है। इसलिए हमें पूरा शक है कि बच्ची के साथ कोई न कोई अनहोनी जरूर हुई है, जिसके कारण ये सब हुआ है। मृतका के मामा ने बताया कि सुसाइड से दो दिन पहले ही छात्रा को स्कूल में NCC कैंडिडेट का मेडल मिला था। जिसके चलते वो बहुत खुश थी। ऐसे में उसका एकदम से सुसाइड करना उन्हें हैरत में डाल रहा है।
सोलन विकास खंड के अंतर्गत आने वाली पंचायत पट्टा बरावरी के पेंशनर्स कार्यालय में पेंशनर्स एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन इकाई द्वारा पट्टा बरावरी हरिपुर की मासिक बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक की अध्यक्षता संघठन अध्यक्ष जगदीश गर्ग द्वारा की गई। जिसमें इस यूनिट के चीफ फाउंडर मेंबर व जिला मीडिया प्रभारी पेंशनर्स एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन डी. डी. कश्यप ने विशेष रूप से भाग लिया। अध्यक्ष जगदेव गर्ग ने 15 सितंबर को जिला संघर्ष समिति पेंशनर्स कल्याण संघ की विशाल जन सभा जो बनलगी में हुई थी उसके बारे में उपस्थित पेंशनरों को जानकारी दी, जिसमें जिला अध्यक्ष के. डी. शर्मा ने कहा था कि आगामी कार्यवाही सभी जिलों के अध्यक्षों से विचार विमर्श के बाद की जाएगी। जगदेव गर्ग ने कहा कि हमारा यूनिट जिला कार्यकारिणी पेंशनर कल्याण संघ के साथ कंधे से कंधा मिला कर कार्य कर रहा है तथा जैसा भी आगामी आदेश जिला संघर्ष समिति का होगा हमारा यूनिट पूर्ण रूप से जिला संघर्ष समिति के साथ खड़ा है। डी. डी. कश्यप जिला मीडिया प्रभारी ने अपने सम्बोधन में कहा कि जिला पेंशनर एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संघ की जिला समिति ने जिला के पांचों उपमंडलाधिकारियों के कार्यालय के समक्ष धरना प्रदर्शन और रैलियां की और अपनी पांच सूत्रीय मांगों को लेकर सरकार को उपमंडलाधिकारियों के माध्यम से ज्ञापन भी दिए। लेकिन सरकार ने हमारी उचित मांगों को दर किनार किया है। अब आगामी रणनीति का सभी जिलों के साथ विचार विमर्श के बाद निर्णय लिया जाएगा। इस बैठक में डी. डी. कश्यप, जगदेव गर्ग, खेमचंद ठाकुर, प्रेम चन्द कश्यप, बिशन दास कश्यप, कन्हैया राम, कृष्ण दास शर्मा, लेखराम कौंडल, रविन्द्र कुमार, भरत राम, दिलाराम आदि मौजूद रहे।
ज्वालामुखी उपमंडल के अंतर्गत आते उप तहसील मझीन में आज मझीन की 4 पंचायतों में सर्वसम्मति से कमेटी गठन का आयोजन किया गया जिसमें मेला प्रभारी देवराज चौधरी ठेकेदार, सह प्रभारी सेवानिवृत्त बीईईओ जतिन्द्र, संयोजक वाईन कांट्रैक्टर प्रवीण राणा, दंगल कमेटी अध्यक्ष प्रेम लता, वरिष्ठ उपाध्यक्ष जसवीर, उपाध्यक्ष शशी, सुमन, सचिव रामगोपाल, कोषाध्यक्ष रमेश, सह कोषाध्यक्ष विजेंद्र छुणकू, प्रताप गप्पी जी, प्रैस सचिव सुशील। एकता मंच मझीण व दंगल संस्थापक मनोहर लाल गान्धी ने यह जानकारी दी। ये दंगल 2 अक्टूबर को मझीन के भटाल में आयोजित किया जा रहा है। जिसमें अलग अलग जगह से बाहरी राज्यों से पहलवान अपना प्रदर्शन करते दिखेंगे ये एक तरह का खुला मंच है, जिसमें कोई भी अपनी प्रतिभा दिखा सकता है।
शनिवार को ग्राम पंचायत भलू में पूर्व विधायक अर्जुन ठाकुर ने शिरकत की। इस मौके पर लक्ष्य ठाकुर जिला परिषद सदस्य, प्रधान प्रभात सिंह, उप प्रधान कवि ठाकुर, वार्ड मेंबर संजीव शर्मा, वार्ड मेंबर ज्योति देवी, वार्ड मेंबर शवी कुमार, रिटायर प्रिंसिपल शंभू नाथ धीमान, सुबेदार देवराज, सुबेदार सुरजीत सिंह, पूर्व उप प्रधान राजिंद्र सिंह, बट पंचायत प्रधान निजू वाला, सुबेदार अशोक कुमार, राहुल काका, मोहित कुमार, अनुराग सिंह, रजनीश कुमार, प्रमोद सिंह, राधे श्याम, कैप्टन सिंह, चैन सिंह, लंबरदार रुमाल सिंह, नरेन्द्र बटयाल, और स्थानीय निवासी उपस्थित रहे।
हिमाचल प्रदेश में कुल्लू जिले की खराहल घाटी में बनने वाले बिजली महादेव रोपवे का लगातार विरोध किया जा रहा है। अब इस मामले में नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने भी संज्ञान लिया है। एनजीटी ने अपनी अगली सुनवाई में विभिन्न विभागों से भी जवाब मांगा है। बिजली महादेव रोपवे मामले में एनजीटी ने हिमाचल सरकार, केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, नेशनल हाईवे लॉजिस्टिक्स मैनेजमेंट लिमिटेड, केंद्रीय प्रदूषण बोर्ड, वन विभाग, राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और उपायुक्त कुल्लू को भी नोटिस जारी किया है। एनजीटी ने सभी को 25 नवंबर को होने वाली सुनवाई से पहले जवाब दाखिल करने को कहा गया है। एनजीटी ने स्थानीय निवासी नचिकेता शर्मा की ओर से दायर याचिका पर यह कार्रवाई की है। बिजली महादेव रोपवे प्रोजेक्ट के लिए अभी तक देवदार के 77 पेड़ काटे जा चुके हैं। याचिकाकर्ता नचिकेता शर्मा ने एनजीटी को हाल ही में मानसून में परियोजना स्थल पर हुए भूस्खलन के बारे में भी बताया है और परियोजना को जल्द रोकने की मांग की है। याचिकाकर्ता का आरोप है कि परियोजना को आवश्यक अध्ययन किए बिना ही मंजूरी दी गई है। लगभग 2.4 किलोमीटर लंबे रोपवे का स्थानीय लोग तीन साल से विरोध कर रहे हैं और इसे रद्द करने की मांग कर रहे हैं। बिजली महादेव रोपवे विरोध समिति के सदस्यों ने ढालपुर में एडीएम से मुलाकात की और उन्हें ज्ञापन भी सौंपा। जिला कुल्लू के देवी-देवताओं ने भी अब धार्मिक स्थलों को पर्यटन स्थल बनाने से इनकार किया है। इन्हीं सभी मुद्दों को लेकर समिति ने एडीएम से चर्चा की है और मांग रखी है कि बिजली महादेव रोपवे विरोध समिति ने भी प्रशासन से मांग की है कि एनजीटी ने जब इस मामले में संज्ञान लिया है तो तब तक रोपवे का निर्माण कार्य बंद किया जाना चाहिए। ग्रामीणों ने कहना है कि इसके निर्माण से न केवल पर्यावरण को नुकसान होगा, बल्कि धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचेगी। बिजली महादेव रोपवे विरोध समिति के अध्यक्ष सुरेश कुमार ने बताया कि रोपवे के विरोध में पहले भी कई धरने प्रदर्शन किए गए हैं। ऐसे में सरकार को भी चाहिए कि वह जनता की भावनाओं को समझें और रोपवे निर्माण कार्य को रद्द करें। अगर उसके बाद भी जनता के पक्ष में फैसला नहीं आता है तो जिला कुल्लू के लोग दिल्ली में जंतर मंतर में जाकर प्रदर्शन करेंगे।
मंडी जिले की 2 होनहार बेटियों ने हिमाचल प्रदेश न्यायिक सेवा परीक्षा में सफलता का परचम लहराते हुए सिविल जज का पद हासिल किया है। दाेनाें बेटियाें ने अपनी कड़ी मेहनत और लगन से यह प्रतिष्ठित परीक्षा उत्तीर्ण कर न केवल अपने परिवार का बल्कि पूरे जिले का नाम रोशन किया है। दोनों की इस उपलब्धि से क्षेत्र में खुशी और गर्व का माहौल है। जानकारी के अनुसार सुंदरनगर उपमंडल की बरोटी ग्राम पंचायत के सोहर गांव निवासी राकेश कुमार की बेटी मीनाक्षी ठाकुर ने हिमाचल प्रदेश न्यायिक सेवा परीक्षा उत्तीर्ण की है। मीनाक्षी की प्रारंभिक शिक्षा डैहर के एक निजी स्कूल से हुई। इसके बाद उन्होंने कानून की पढ़ाई के लिए हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय, का रुख किया जहां से उन्होंने एलएलबी की डिग्री प्राप्त की। कानून के क्षेत्र में अपनी विशेषज्ञता को और बढ़ाते हुए उन्होंने पटियाला स्थित प्रतिष्ठित नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी से एलएलएम की पढ़ाई पूरी की। वर्तमान में वह अपनी पीएचडी भी पूरी कर रही हैं। उनकी यह शैक्षिक यात्रा युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। वहीं, जिले के पधर उपमंडल की सिमरन ने भी न्यायिक सेवा परीक्षा उत्तीर्ण कर क्षेत्र का मान बढ़ाया है। सिमरन के पिता रविकांत मंडी जिला परिषद में डलाह (पधर) वार्ड से जिला परिषद सदस्य हैं। एक राजनीतिक पृष्ठभूमि वाले परिवार से आने के बावजूद सिमरन ने शिक्षा और न्याय के क्षेत्र में अपना करियर बनाने का फैसला किया और अपनी मेहनत से यह मुकाम हासिल किया। सिमरन की इस सफलता पर उनके परिवार और पूरे पधर क्षेत्र में जश्न का माहौल है।
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा शहर में 30 सितम्बर को राज्य विद्युत परिषद लिमिटेड ने रखरखाव कार्यों के चलते शहर के कई प्रमुख इलाकों में घंटों तक बिजली कटौती की घोषणा की है। विद्युत उपमंडल नंबर-1 कांगड़ा के सहायक अभियंता पुलकित दीक्षित ने जानकारी देते हुए बताया कि 11 केवी कांगड़ा मंदिर फीडर के तहत आने वाली बिजली की लाइनों के रखरखाव का कार्य किया जाना है। इस दौरान बिजली की तारों के आसपास आ रही पेड़ों की टहनियों की कटाई और अन्य सामान्य मुरम्मत के कार्य किए जाएंगे, ताकि भविष्य में किसी भी तरह की बाधा से बचा जा सके। यह शटडाऊन 30 सितम्बर को सुबह 10 बजे से लेकर कार्य समाप्ति तक जारी रहेगा। इस शटडाऊन के कारण कांगड़ा के कई महत्वपूर्ण और घनी आबादी वाले क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति पूरी तरह से बंद रहेगी। इसके चलते मिनी सचिवालय, गुप्त गंगा, पुष्प विहार, वाल्मीकि माेहल्ला, सब्जी मंडी, हाऊसिंग बोर्ड कालोनी, जज आवास, एसडीएम आवास, संगरिया सराय, गीता भवन, मिशन और आसपास के इलाके प्रभावित रहेंगे। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि 30 सितम्बर को मौसम खराब रहता है या बारिश होती है तो सुरक्षा कारणों से यह कार्य स्थगित कर दिया जाएगा। ऐसी स्थिति में यह रखरखाव का कार्य अगले दिन यानी 1 अक्तूबर को निर्धारित समय पर किया जाएगा। सहायक अभियंता ने क्षेत्र के सभी उपभोक्ताओं से इस दौरान सहयोग की अपील की है।
सोलन के जोनाजी रोड़ पर शनिवार काे एक टिप्पर दूसरी गाड़ी को पास देते समय अपना संतुलन खो बैठा और अनियंत्रित होकर सड़क से लगभग 150 फुट गहरी खाई में जा गिरा। गनीमत यह रही कि इस हादसे में चालक की जान बाल-बाल बच गई, उसे केवल मामूली चोटें ही आई हैं। जानकारी के अनुसार यह टिप्पर जोनाजी से गुजर रहा था। जब चालक ने सामने से आ रही एक अन्य गाड़ी को पास देने की कोशिश की तो टिप्पर अचानक अनियंत्रित हाे गया और सीधे खाई में लुढ़कता चला गया। हादसे की आवाज सुनते ही आसपास के स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने बिना देर किए खाई में उतरकर बचाव कार्य शुरू किया। चालक टिप्पर के कैबिन में फंसा हुआ था, जिसे कड़ी मशक्कत के बाद खाई से बाहर निकाला और उसे तुरंत नजदीकी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के लिए भेजा। वहीं घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने हादसे के सटीक कारणों की जांच शुरू कर दी है।
हिमाचल प्रदेश पावर कॉरपोरेशन के चीफ इंजीनियर विमल नेगी मौत मामले में CBI शनिवार को बिजली बोर्ड के चीफ इंजीनियर देसराज से पूछताछ करेगी। केंद्रीय जांच एजेंसी ने देसराज को शिमला के कैंप ऑफिस में बुलाया है। सुप्रीम कोर्ट के आदेशों पर देसराज से पूछताछ की वीडियोग्राफी करनी होगी और अधिकतम तीन घंटे तक ही पूछताछ की जाएगी। दरअसल, विमल नेगी मौत मामले में आरोपी बनाए गए देसराज को शीर्ष अदालत ने अग्रिम जमानत दे रखी है। देसराज समेत HPPCL के पूर्व एमडी हरिकेष मीणा और डायरेक्टर पर्सनल पर भी विमल नेगी के परिजनों ने आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप लगाए है। परिजनों की शिकायत पर छोटा शिमला पुलिस थाना में इन तीनों अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई। शिमला पुलिस की जांच से असंतुष्ट परिजनों की मांग पर हिमाचल हाईकोर्ट ने यह केस को केंद्रीय एजेंसी सीबीआई को सौंपा। पहली बार सीबीआई बिजली बोर्ड के चीफ इंजीनियर एवं HPPCL के पूर्व डायरेक्टर देसराज से विमल नेगी मौत मामले में पूछताछ करेगी। सीबीआई इस मामले में HPPCL के कर्मचारियों से पूछताछ कर चुकी है। सूत्रों के अनुसार, सीबीआई की पूछताछ में HPPCL के कर्मचारियों ने भी विमल नेगी को मानसिक तौर पर परेशान करने की बात मानी है। देसराज से ऑफिस के वर्क कल्चर, विमल नेगी को परेशान करने, पेखूवाला प्रोजेक्ट से जुड़े सवाल पूछे जाएंगे। विमल नेगी के परिजनों ने हरिकेष मीणा और देसराज पर गंभीर आरोप लगाए है, जिससे परेशान होकर विमल नेगी ने आत्महत्या की। देसराज के बाद IAS अधिकारी हरिकेष मीणा और पूर्व डायरेक्टर पर्सनल शिवम प्रताप को भी CBI पूछताछ के लिए बुला सकती है। वहीं, हरिकेष मीणा ने भी हाईकोर्ट ने अग्रिम जमानत ले रखी है। उनकी अग्रिम जमानत पर अगली सुनवाई 6 अक्टूबर को होगी। इसी मामले में सीबीआई ने मृतक विमल नेगी की जेब से पेन ड्राइव अपनी जेब में रखने के मामले में एएसआई पंकज को गिरफ्तार कर चुकी है। हाईकोर्ट ने पंकज को जेल भेज दिया है। इस मामले में पंकज की पहली गिरफ्तारी है।
अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा उत्सव 2 अक्टूबर से मनाया जाएगा। अंतरराष्ट्रीय दशहरा उत्सव में कुल्लू जिले के सैकड़ों देवी-देवता भी भाग लेंगे। देवी-देवता के हरियानों द्वारा भी दशहरा उत्सव की तैयारी की जा रही है। ऐसे में एक देवता ऐसे भी हैं जो कि 200 किलोमीटर का पैदल सफर तय कर ढालपुर मैदान पहुंचेंगे। जिला कुल्लू के उपमंडल आनी के नित्थर के आराध्य देवता कुईकंडा नाग 365 सालों बाद इस बार दशहरा उत्सव में शामिल होगें हैं। बीते दिन कुईकंडा नाग तांदी मंदिर में बैठक का आयोजन किया गया। मंदिर कमेटी के कारदार कमलेश रावत और गुर विनोद ठाकुर की अगुवाई में तांदी मंदिर के प्रांगण में बैठक हुई। झाड़े में गुर के माध्यम से देवता के आदेशानुसार इस बार यह फैसला लिया गया कि देवता दशहरा उत्सव में जाएंगे। देवता करीब 200 किलोमीटर की दूरी तय करेंगे। दरअसल नित्थर से कुल्लू बाई रोड ये दूरी 200 किलोमीटर हैं। जबकि देवता जंगलों और गांव से पैदल होते हुए कुल्लू दशहरा उत्सव में पहुंचेगे। कारदार कमलेश रावत ने बताया कि दशहरा पर्व राजा जगत सिंह ने 1660 में शुरू किया था। उसी समय से 365 देवी-देवताओं को निमंत्रण दिया जाने लगा और देवताओं की परंपरा का पालन किया जाने लगा। उस समय देवता साहिब कुईकंडा नाग तांदी ने दशहरा उत्सव में शिरकत की थी, लेकिन राजा द्वारा देवता को राजदरबार के प्रौढ़ (प्रवेशद्वार) के नीचे से गुजारने की कोशिश की गई। जबकि देवता किसी की भी चौखट पार नहीं करते हैं। जिसके बाद देवता गुस्सा हो गए और फिर कभी कुल्लू के दशहरा उत्सव में नहीं गए। 365 साल बाद अब देवता के आदेश पर मंदिर कमेटी ने दशहरा उत्सव में जाने का फैसला लिया हैं। देवता के कारदार कमलेश ने कहा कि सभी की सहमति से यह फैसला लिया गया कि 29 सितंबर को देवता साहिब कुल्लू के लिए रवाना होंगे। देवता की इस यात्रा में क्षेत्र के हर घर से एक सदस्य का आना भी जरूरी तय किया गया है। देवता इस साल कुल्लू दशहरा में सबसे दूर से पहुंचने वाले देवता भी होंगे। तांदी में आयोजित झाड़े के दौरान देवता ने इसको लेकर आदेश दिए हैं।
कांगड़ा केंद्रीय सहकारी (केसीसी) बैंक लिमिटेड में वन टाइम सेटलमेंट योजना में ऋण माफी मामले में शुक्रवार को दो अधिकारियों से प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) शिमला में पूछताछ की। करीब एक घंटे तक चली इस पूछताछ में अधिकारियों ने ईडी के समक्ष अपना पक्ष रखा। ईडी ने बैंक के अधिकारियों को 26 सितंबर तक रिकॉर्ड जमा कराने के लिए कहा था। शुक्रवार को यह रिकॉर्ड ईडी कार्यालय में जमा करवा दिया गया है। होटल के 45 करोड़ रुपये के कुल ऋण में से करीब 24 करोड़ माफ करने का यह मामला बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की बैठक में भी गया था। ऐसे में ईडी उस समय के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स के सदस्यों से भी पूछताछ कर सकती है। इससे पहले नाबार्ड और भारतीय रिजर्व बैंक के नियमों का उल्लंघन करने के चलते बैंक के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स को निलंबित कर दिया था। मामले में और परतें खुलने शुरू हुईं, तो पिछले कई वर्षों के और भी खुलासे हो सकते हैं। बैंक अफसरों ने जो रिकॉर्ड जमा करवाया है, ईडी उसका अध्ययन करने के बाद कार्रवाई करेगा। इस हाई प्रोफाइल मामले की जांच की गाज कई लोगों पर गिर सकती है।
दशहरे की छुट्टियों को लेकर हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट 29 सितंबर से 5 अक्तूबर तक बंद रहेगा। इसे लेकर मुख्य न्यायाधीश गुरमीत सिंह संधावालिया ने आदेश जारी किए हैं। अवकाश के दौरान केवल अति आवश्यक मामलों की ही सुनवाई होगी। इसके लिए न्यायाधीश राकेश कैंथला को नामित किया गया है। वेकेशन जज 3 अक्तूबर तक केवल उन्हीं मामलों की सुनवाई करेंगे, जिनकी अत्यंत अनिवार्यता से वह संतुष्ट होंगे। कोई भी मामला दाखिल करते समय संबंधित पक्ष का प्रतिनिधित्व कर रहे अधिवक्ता को एक पत्र प्रस्तुत करना होगा, जिसमें मामले की अत्यंत अनिवार्यता को उजागर किया गया हो। मामलों को एक अक्तूबर को दाखिल किया जा सकता है।
हिमाचल प्रदेश के 801045 किसानों के खाते में 160.21 करोड़ रुपए आए हैं। केंद्र सरकार ने वर्षा और बाढ़ प्रभावित राज्य हिमाचल प्रदेश के किसानों के लिए पी.एम.-किसान योजना की 21वीं किस्त जारी की है। शुक्रवार को केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने वीडियो कॉन्फ्रैंसिंग के माध्यम से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पी.एम.-किसान) योजना की 21वीं किस्त जारी करने की घोषणा की। यह किस्त विशेष रूप से हिमाचल प्रदेश, पंजाब और उत्तराखंड के उन किसानों के लिए प्राथमिकता के आधार पर है, जो हाल ही में आई बाढ़ और भूस्खलन से बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। हिमाचल के कृषि मंत्री प्रो. चंद्र कुमार, सचिव कृषि सी. पाल रासू तथा अन्य अधिकारी वर्चुअल माध्यम से इस कार्यक्रम में शामिल हुए। हिमाचल सहित पंजाब व उत्तराखंड ने हाल ही में भीषण बाढ़, भूस्खलन और फसल की व्यापक क्षति का सामना किया है, जिससे किसान परिवारों को भारी कठिनाई का सामना करना पड़ा है। तीनों राज्यों के लगभग 2.7 लाख महिला किसानों सहित 27 लाख से अधिक किसानों के बैंक खातों में कुल 540 करोड़ रुपए से अधिक की राशि सीधे अंतरित की गई है। इस सहायता का उद्देश्य हाल की आपदाओं से उबरने के लिए किसानों को समय पर राहत प्रदान करना है। वीडियो कॉन्फ्रैंस के दौरान एक लघु वृत्तचित्र भी दिखाया गया, जिसमें बाढ़ प्रभावित तीन राज्यों के किसानों की कठिनाइयों और इस मुश्किल घड़ी में सरकार द्वारा उनकी सहायता के लिए उठाए जा रहे कदमों को दर्शाया गया है।
डाडा सीबा के अंतर्गत गांव गुराला में मिडल स्कूल के नजदीक महादंगल 5 अक्टूबर 2025 रविवार को आगाज होगा। इस महादंगल में नामी पहलवान अखाड़े में अपनी कुश्तियों के जौहर दिखाएंगे। बाबा भरथरी मेला दंगल कमेटी गांव गुराला दंगल कमेटी के प्रधान बलविंदर सिंह ने बताया मेले का आयोजन 5 अक्टूबर 2025 रविवार को किया जा रहा है। उन्होंने बताया फाइनल माली के विजेता को 21000 रूपये इनाम देकर सम्मानित किया जाएगा। इस दंगल प्रतियोगिता में हिमाचल पंजाब और हरियाणा के पहलवानों के बीच जोर अजामाइश होगी। इस महा दंगल में महिला पहलवान भी हिस्सा ले सकती हैं, इस कुश्ती प्रतियोगिता का गांव व आस पास के लोग बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। इस दंगल में कुश्ती प्रेमियों, स्थानीय निवासियों और पहलवानों से ज़्यादा से ज़्यादा हिस्सा लेने की अपील की गई है।
हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा के डीएवी भड़ोली स्कूल में आयोजित सात दिवसीय एनएसएस कैंप का समापन शुक्रवार को धूमधाम और उत्साह के साथ किया गया। इस अवसर पर कक्षा 12 के विद्यार्थियों ने एनएसएस वॉलंटियर के रूप में सक्रिय भागीदारी निभाई। समापन दिवस की शुरुआत गायत्री मंत्र उच्चारण से हुई, जिसके बाद विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया। प्रधानाचार्य सुरजीत कुमार राणा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि इन सात दिनों में जो मूल्य, अनुशासन और शिक्षा सीखी गई है, उन्हें जीवन की दिनचर्या में आत्मसात करना ही इस कैंप की असली सफलता है। उन्होंने स्वच्छता पखवाड़े के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि स्वच्छता केवल आदत नहीं बल्कि जीवन का आधार है। जहां स्वच्छता होती है, वहीं लक्ष्मी का वास होता है यह संदेश देते हुए उन्होंने सभी को स्वच्छ और स्वस्थ समाज की दिशा में योगदान देने का आह्वान किया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रीय गान के साथ हुआ।
दुष्कर्म के मामले में हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट में वीरवार को आरोपी एसडीएम ऊना विश्व मोहन देव चौहान ने अंतरिम अग्रिम जमानत याचिका दायर की है। इस पर राकेश कैंथला की अदालत ने राज्य सरकार को नोटिस जारी कर मामले में विस्तृत स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिए हैं। अदालत ने एफआईआर में पाया कि याचिकाकर्ता पर 10 अगस्त को पीड़िता के साथ दुष्कर्म का आरोप है। याचिकाकर्ता ने उससे शादी करने का वादा किया। आरोप है कि इसके बाद 20 अगस्त को उसने पीड़िता को एक विश्राम गृह में बुलाया, जहां उसने दोबारा दुष्कर्म किया। आरोप है कि याचिकाकर्ता ने घटना का वीडियो भी बनाया और उसे वायरल करने की धमकी दी। इसके बाद पीड़िता ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। अदालत ने याचिकाकर्ता के द्वारा लगाए गए आरोपों को अविश्वसनीय मानने का कोई कारण नहीं पाया। पीठ ने सर्वोच्च न्यायालय की ओर से दिए गए निर्णय का हवाला दिया, जिसमें यह कहा गया था कि दुष्कर्म के मामलों में अग्रिम जमानत नहीं दी जानी चाहिए। इन तथ्यों को देखते हुए न्यायालय ने फिलहाल अंतरिम अग्रिम जमानत नहीं दी है।
24 सितम्बर को जहाँ शहनाई बजनी थी, वहाँ मातम छाया गया। शादी से ठीक एक दिन पहले अंशिका की हत्या कर दी गई, उसकी लाश को अधजली हालत में फेंक दिया गया और परिजनों की माने तो हत्यारा कोई और नहीं बल्कि वो ही प्रवेश और उसका चाचा संजीव है, जिसके साथ अंशिका को सात फेरे लेने थे। वीरवार को पुलिस प्रवेश को जम्मू से हिरासत में लेकर जोल पुलिस चौकी पहुंची। यहां पर आरोपी प्रवेश कुमार ने प्रारंभिक पूछताछ में अंशिका की हत्या कर शव को जलाने की बात को कबूल करते हुए कहा कि इस सारी घटना को उसके द्वारा ही अंजाम दिया गया है। आरोपी प्रवेश कुमार ने बताया कि वह अपनी मंगेतर अंशिका के साथ शादी नहीं करना चाहता था, जबकि वह उस पर बार-बार शादी करने का दबाव डाल रही थी। इसी के चलते उसने सुनियोजित ढंग से मंगलवार रात को अंशिका को मिलने के बहाने सुनसान जगह पर बुलाया और वहीं पर उसका कत्ल कर शव को झाड़ियों के बीच फैंककर आग लगा दी। प्रवेश द्वारा अपने चाचा की इस पूरे हत्या के प्रकरण के बारे में पूछने पर बताया कि चाचा संजीव कुमार उसे छोड़ने अपनी गाड़ी में जम्मू गया था। पुलिस द्वारा शुक्रवार को आरोपी दोनों चाचा व भतीजे का मेडिकल करवाकर कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा। बंगाणा के थाना प्रभारी रोहित चौधरी ने बताया कि आरोपी ने अपना जुर्म कबूल करते हुए कहा कि अंशिका की हत्या के बाद उसके शव को उसने ही जलाया है। बाकी छानबीन जारी है और इस पूरे प्रकरण में उसके साथ और कौन था? इसकी जांच अभी चल रही है।
वीरवार को खुंडियां स्थित नजदीकी सरकारी अस्पताल में श्रद्धेय पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जन्मजयंती के उपलक्ष्य पर मेरा युवा भारत कांगड़ा, खेल एवं युवा मंत्रालय भारत सरकार एवं भाजपा मंडल खुंडियां के सौजन्य से रक्त दान शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें 56 यूनिट रक्तदान वीरों ने रक्त दान किया। कार्यक्रम में पंडित दीनदयाल उपाध्याय के जीवन एवं विचारों पर रविंद्र सिंह रवि द्वारा प्रकाश डाला गया। इस अवसर पर टांडा अस्पताल से डॉ विकास की समस्त टीम एवं प्रदेश पूर्व मंत्री रविंद्र सिंह रवि मंडल अध्यक्ष भाजपा संजय राणा BJYM देहरा, जिला महामंत्री अजय राणा, प्रदेश सोशल मीडिया सह प्रभारी अजय राणा, बूथ अध्यक्ष खुंडियां कश्मीर सिंह, ललिता चौहान प्रधान डोला, सुरजीत BDC उपाध्यक्ष, राजेश शर्मा, परवीन, अग्रवान, विशाल और अन्य पदाधिकारी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
खण्ड डाडा सीबा में मिड डे मील योजना के अंतर्गत खण्ड स्तरीय कुकिंग प्रतियोगिता का आयोजन राजकीय प्राथमिक पाठशाला नंगल चौक में वीरवार को खण्ड प्रारम्भिक शिक्षा अधिकारी डाडा सीबा पूनम कुमारी की अध्यक्षता में करवाया गया। इसमें खण्ड के 16 कलस्टर से कुकों ने भाग लिया। इस प्रतियोगिता में बाबा कांशीराम राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला डाडा सीबा प्रथम, राजकीय प्राथमिक विद्यालय नंगल चौक द्वितीय एवं राजकीय प्राथमिक विद्यालय बठरा तृतीय स्थान पर रहे। विजेताओं को ट्राॅफी देकर सम्मानित किया गया। सभी प्रतियोगियों को प्रोत्साहन हेतु मेडल भी प्रदान किए गए। इस अवसर पर विशेष रूप से नंगल चौक से कांग्रेस नेता अश्वनी कुमार शर्मा, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय डाडा सीबा के प्रधानाचार्य सुदर्शन कुमार, खण्ड प्रारम्भिक शिक्षा अधिकारी चन्द्रलेखा, खण्ड प्रधान मनजीत सिंह, सीएचटी यशवन्त सिंह, सीएचटी राकेश कुमार, सीएचटी देस राज, बीईईओ कार्यालय से राम कृष्ण तथा सरस्वती चन्द्र आदि उपस्थित रहे।
बाबा भरथरी सांस्कृतिक मंच कमेटी के प्रधान रितेश शर्मा ने जानकारी दी कि 2 अक्टूबर 2025, गुरुवार को डाडा सीबा पुल के समीप मैदान में दशहरा पर्व पूरे उत्साह और परंपरागत श्रद्धा के साथ मनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह पर्व बुराई पर अच्छाई और असत्य पर सत्य की विजय का प्रतीक है। कार्यक्रम के अंतर्गत रावण, मेघनाथ और कुम्भकरण के पुतलों का दहन किया जाएगा, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग एकत्रित होते हैं। प्रधान रितेश शर्मा ने कहा कि दशहरा पर्व केवल धार्मिक आयोजन ही नहीं, बल्कि समाज में आपसी भाईचारे और एकता का संदेश भी देता है। उन्होंने क्षेत्र के लोगों से आग्रह किया कि वे परिवार सहित इस उत्सव में बढ़-चढ़कर भाग ले और सांस्कृतिक धरोहर को जीवित रखने में योगदान दें। कमेटी की ओर से सभी प्रबंध पूरे कर लिए गए हैं उन्होंने क्षेत्रवासियों को हार्दिक निमंत्रण देते हुए कहा कि सभी आदर सहित पधारकर इस भव्य पर्व का आनंद लें।
हिमाचल प्रदेश डॉ. भीमराव अंबेडकर मिशन अनुसूचित जाति कल्याण समिति ने वीरवार को नई कार्यकारिणी का गठन कर दिया है। उप मंडल देहरा में आयोजित बैठक की अध्यक्षता पूर्व विधायक दलीप सिंह ने की, जिसमें सर्वसम्मति से पूर्व चीफ इंजीनियर ई.एम.आर. दड़ोच को तीन वर्षों के लिए प्रदेशाध्यक्ष चुना गया। बैठक में समाज के विभिन्न वर्गों से आए सदस्यों ने एकजुट होकर संगठन को और मज़बूत बनाने का संकल्प लिया। नई टीम में गुरदास राम को मुख्य सलाहकार, प्रो. अमर सिंह को सलाहकार, शंकर सान्याल को वरिष्ठ महासचिव, भागी राम कृतनोरिया को महासचिव, पूर्ण चन्द को वरिष्ठ उपाध्यक्ष, तिलोक संधू को उपाध्यक्ष और नरेश कुमार को कोषाध्यक्ष एवं कार्यालय सचिव नियुक्त किया गया। बैठक में वक्ताओं ने कहा कि डॉ. भीमराव अंबेडकर का संदेश “शिक्षित बनो, संघर्ष करो” आज भी समाज सुधार की सबसे बड़ी प्रेरणा है। समिति का मुख्य उद्देश्य अनुसूचित जाति वर्ग को सामाजिक, शैक्षणिक और आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। इसके लिए आने वाले वर्षों में शिक्षा, जागरूकता और सामाजिक न्याय पर विशेष अभियान चलाए जाएंगे। इस मौके पर बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और सदस्य मौजूद रहे, जिनमें परविंदर सिंह, देवराज, धर्मचन्द, लाजपतराय, रमेश कुमार, सतीश कुमार, जसवीर सिंह, प्रीतम चन्द, हरबांस लाल, किशोरी लाल, देशराज, वरिन्द्र कुमार, राजिन्द्र कुमार समेत अनेक गणमान्य शामिल थे। नई कार्यकारिणी के गठन के साथ ही समिति ने प्रदेशभर में डॉ. अंबेडकर के आदर्शों पर चलने और वंचित वर्ग की समस्याओं को प्रमुखता से उठाने का संकल्प दोहराया।
राजकीय कन्या आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय हमीरपुर में स्वच्छता पखवाड़ा के तहत विभिन्न गतिविधियों का आयोजन करवाया गया। वीरवार को नगर पंचायत हमीरपुर और स्कूल की छात्राओं ने पोस्टर मेकिंग, सेल्फी प्वाइंट और रैली का आयोजन किया। स्कूली छात्राओं ने बैनर, पोस्टर के माध्यम से हमीरपुर बाजार में रैली निकाल कर आम जनता को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक किया। स्कूल की प्रधानाचार्य पूनम चौहान ने जानकारी देते हुए बताया कि 16 सितंबर 2025 से स्वच्छता पखवाड़ा मनाया जा रहा है। हर दिन स्कूली छात्राओं को जागरूक करने के लिए विभिन्न गतिविधियों का आयोजन हो रहा है पखवाड़े को अधिक प्रभावी बनाने के लिए विद्यालय में वाद-विवाद प्रतियोगिता, भाषण प्रतियोगिता और नारा लेखन जैसी रचनात्मक गतिविधियां आयोजित की गईं। छात्राओं ने स्वच्छता से संबंधित आकर्षक नारे लिखे और पोस्टर बनाए है। इन्हीं पोस्टर के माध्यम से रैली में छात्राएं आम जनता को भी जागरूक करने में अपनी भूमिका निभा रही हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि स्कूली छात्राओं ने शिक्षकों के साथ मिल कर "स्वच्छ भारत अभियान" पर एक सेल्फी पॉइंट भी बनाया है, इसमें छात्राएं स्वच्छता संदेश के साथ फोटो खिंचवाकर सोशल मीडिया पर सांझा कर रही हैं। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों तथा स्टाफ सदस्यों ने मिलकर स्कूल परिसर को प्लास्टिक मुक्त बनाने के लिए विशेष प्रयास किए। कचरे को अलग-अलग करके निपटाया गया, जबकि पानी की टंकियों की सफाई करवाई गई। ताकि स्वास्थ्य संबंधी कोई समस्या उत्पन्न ना हो। इन गतिविधियों में भाग लेने वाले सभी लोगों ने बड़ी गर्मजोशी दिखाई, जो स्वच्छता के प्रति उनके समर्पण को दर्शाता है। इस अभियान से न केवल विद्यालय परिसर स्वच्छ हुआ, बल्कि छात्राओं में पर्यावरण संरक्षण की भावना का प्रचार प्रसार भी हो रहा है। स्वच्छता पखवाड़े के तहत विद्यालय की छात्राओं और अध्यापकों ने स्वच्छता की शपथ ली, जिसमें उन्होंने अपने दैनिक जीवन में स्वच्छता को प्राथमिकता देने का संकल्प लिया। छात्राओं से आह्वान किया गया कि अपने आस पास लोगों को स्वच्छता के बारे में अधिक से अधिक जागरूक करें। स्वच्छता पखवाड़े के तहत विद्यालय में कार्यरत राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस), स्काउट एंड गाइड तथा इको क्लब की छात्राओं ने अन्य साथियों के साथ मिलकर इस अभियान को सफल बनाया। उन्होंने स्वच्छता को नियमित आदत बनाने का प्रण लिया और भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम आयोजित करने का संकल्प व्यक्त किया। इस मौके पर एनएसएस प्रभारी सुनीता शर्मा, सह प्रभारी अमिता शर्मा, सुदर्शना शर्मा अंजू, अजय चौधरी, नरेंद्र पटियाल सहित समस्त स्कूल का स्टाफ मौजूद रहा।
प्रदेश पुलिस पेंशनर वेलफेयर एसोसिएशन जिला सोलन की कार्यकारिणी के करीब 30,35 सदस्यों ने धनीराम तंनवर विशेष सलाहकार प्रदेश कार्यकारिणी व संयोजक एवं मुख्य सलाहकार पुलिस पेंशनर संगठन जिला सोलन की अध्यक्षता में पुलिस हैडक्वाटर शिमला में प्रदेश पुलिस महानिदेशक से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने अपना एक विशेष मांग पत्र पेश किया, जिसमें मांग रखी गई की जब भी पुलिस पेंशनर का निधन होने का समाचार स्थानीय थाना में प्राप्त हो तो साल 2022 के आदेश के अनुसार पुलिस विभाग की तरफ से उसके संस्कार में शामिल होकर अंतिम सम्मान के रूप में विभाग की तरफ से पुष्प चक्कर अर्पित किया जाए और एक चादर सम्मान के तौर पर चढ़ाई जाए। साथ ही उनके परिवार में जाकर संवेदना प्रकट करके उन्हें कुछ राशि भी राहत के तौर पर दी जानी चाहिए और प्रत्येक रैंक के पेंशनर के निधन होने पर गार्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मानित किया जाना चाहिए। यह आदेश पूरे प्रदेश के पुलिस अधीक्षकों के लिए जारी किया जाए और उपरोक्त जो भी निर्देश है उनका पुरी तरह से पालन करे, पालन न करने की सूरत में उनका जवाब तलब किया जाए और ऐसी घटना होने पर स्थानीय पुलिस द्वारा पहले की तरह उसी दिन एक स्पेशल रिपोर्ट पुलिस जिला मुख्यालय को भेजी जानी शुरू करें जिसमें मृतक का पूरा विवरण दिया हो जैसे की पहले भी इस प्रकार की रिपोर्ट जाती थी जिसमें मृतक का नाम पता और किस पद से रिटायर हुआ कब हुआ कहां से हुआ और अंतिम सम्मान किस प्रकार से प्रदान किया गया आदि शामिल होता था। धनीराम तनवर ने बताया कि पुलिस महानिदेशक ने आश्वासन दिया है कि इस पर जल्दी फैसला लिया जाएगा की अंतिम सम्मान में गार्ड ऑफ ऑनर दिया जाए और फौजी तर्ज पर पीड़ित परिवार को कुछ राहत राशि देने की भी कोशिश की जाएगी व अंतिम सम्मान की रिपोर्ट भी पहले की तरह पुलिस जिला मुख्यालय में पूरे विवरण के साथ भेजी जाएगी।
गुप्त गंगा क्षेत्र में एक ढाबे में अचानक आग लगने से हड़कंप मच गया। दोपहर करीब 1:30 बजे संजू नामक व्यक्ति के ढाबे में आग की लपटें दिखाई दीं। देखते ही देखते आग तेजी से फैलने लगी। आग की खबर मिलते ही स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और आग बुझाने की कोशिश शुरू कर दी। इसी बीच, दमकल विभाग कांगड़ा को भी इसकी सूचना दी गई। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम बिना देरी किए महज पांच मिनट में घटनास्थल पर पहुंच गई। टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आग पर काबू पा लिया। दमकल अधिकारियों के अनुसार, आग लगने का मुख्य कारण ढाबे में रखे गैस सिलेंडर में लीकेज था। आग की इस घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। हालांकि, इस हादसे में ढाबे के मालिक संजू को लगभग 15,000 रुपये का नुकसान हुआ है। लेकिन दमकल टीम की तत्परता और त्वरित कार्रवाई से लगभग 5 लाख रुपये की संपत्ति जलने से बचा ली गई। इस घटना पर स्थानीय लोगों ने कहा कि यदि ढाबे के मालिक और कर्मचारी समय रहते बाहर नहीं निकलते, तो यह एक बड़ा हादसा बन सकता था। वहीं, दमकल विभाग कांगड़ा के इंचार्ज अनिल कुमार ने बताया कि उनकी टीम की त्वरित कार्रवाई से एक बड़ी त्रासदी टल गई और लगभग 5 लाख रुपये की संपत्ति सुरक्षित रही। यह घटना एक बार फिर गैस सिलेंडर के सही रख-रखाव के महत्व को बताती है।
कुल्लू जिले के भूस्खलन प्रभावित 89 गांवों का अध्ययन विशेषज्ञों की टीम करेगी। भूस्खलन के कारणों का पता लगाया जाएगा। इसके लिए उपायुक्त कुल्लू ने एक कमेटी का गठन किया है। एसडीएम की अध्यक्षता वाली इस कमेटी में छह सदस्यों को शामिल किया गया है। इसमें जीबी पंत राष्ट्रीय हिमालयी पर्यावरण संस्थान मौहल के आपदा विशेषज्ञ भी शामिल हैं। अगले साल मानसून से पहले इसकी रिपोर्ट तैयार होगी। भारी भूस्खलन के कारणों को तलाशने के अलावा गांवों को कैसे संरक्षित करना है, इसके भी उपाय तलाशे जाएंगे। कुल्लू में इस बार बरसात में शहरों से लेकर ग्रामीण इलाकों में भारी नुकसान हुआ है। कई गांवों का वजूद पूरी तरह से खतरे में है। करीब ढाई माह तक लगातार बारिश के कारण भारी तबाही हुई है। 2023 की बाढ़ और आपदा की घटनाओं के दौरान जिले के कई इलाके भू-धंसाव से प्रभावित हुए थे। जिला प्रशासन ने ऐसे संवेदनशील गांवों की पहले ही पहचान कर ली थी। इस बार 2023 के साथ-साथ नए क्षेत्र और गांव भूस्खलन को लेकर संवेदनशील बनकर उभरे हैं। एसडीएम की अध्यक्षता में कमेटी का गठन किया गया है। इसमें एसडीएम, वन विभाग से एसीएफ या डीएफओ, खंड विकास अधिकारी, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग, अधिशासी अभियंता जल शक्ति विभाग और जीबी पंत राष्ट्रीय हिमालयी पर्यावरण संस्थान मौहल के विशेषज्ञ को शामिल किया गया है। भूस्खलन से प्रभावित जिले के 71 पटवार सर्कलों में 89 भूस्खलन प्रभावित गांवों में सबसे अधिक निरमंड खंड के 29 गांव शामिल हैं। इसके अलावा बंजार के 24, आनी के 19, कुल्लू के 12 और मनाली खंड में पांच गांव शामिल हैं। कुल्लू में भारी बरसात के कारण 71 पटवार सर्कलों के भूस्खलन से प्रभावित हुए 89 गांवों का अध्ययन किया जाएगा। इसके लिए एसडीएम स्तर पर छह सदस्य कमेटी बनाई है। अतिरिक्त उपायुक्त कुल्लू अश्वनी कुमार ने कहा कि कमेटी इसका अध्ययन करेगी और कारणों के साथ इसके संरक्षण को लेकर रिपोर्ट तैयार करेंगी। यह रिपोर्ट 2026 के मानसून से पहले देनी होगी। मनाली खंड के पारशा, क्लाथ, सोलंग, समाहण और चचोगा। कुल्लू खंड में बागान, डाली, कटराईं, दवाड़ा, छरूडू, रामशिला, लंका केबर, धरमोट, पीणी, तलपीणी, पनोगी व पधर। निरमंड खंड के डुगुवी, कुटली, नौनी, थारधार, बारीलांच, कटमोरी लांज, परांतला, पांकवा, बाड़ी, जूनी, बाड़ीधार, पठाना, हाटल, जैधार, बजराह, भालसी, रालूधार, कुशवा, गुंधी, बिशलाई, बशाला, बंदल, धवांश, झांगरी, पाली, पिछवानया, बाडीगंचा, तराला और सेउबाग। बंजार खंड के शराई, बंदल, कोटलाधार, बराधा, छेत, होरनगाड़, बकशाहड़, न्यूली, धारा, कोशुनाली, रूपांजनी, शरची, पेखड़ी, गुरशाला, मातला, टिचना, मशीना नाला, सारी, खमीनी, जूही, शदोन, कठियार, न्यूल, आनी खंड के शामदी, गुहांडा, शाई, झेड़, बनशीरा, खादवी, जोह, काथला, जटेढ़, डगसारी, धारली, राणाजानी बालू, कूट, बनीगाड़, मरेछ, बगोली, टिपरी, छेहवा और थबोली गांव शामिल हैं।
अर्की उपमण्डल की ग्राम पंचायत भूमती के ग्राम धैणी से सम्बन्ध रखने वाले क्रिकेट खिलाड़ी सुमीत वर्मा ने बड़ी उपलब्धि अपने नाम की है। हिमाचल प्रदेश रणजी टीम के पूर्व कप्तान रहे सुमीत अब पुरुष टी-20 विश्व कप अफ्रीका क्वालिफायर प्रतियोगिता में युगांडा टीम से खेलते नज़र आएंगे। यह प्रतियोगिता दक्षिण अफ्रीका में आयोजित की जाएगी। वर्षों तक हिमाचल प्रदेश की रणजी टीम की ओर से शानदार प्रदर्शन करने और कप्तानी के दौरान कई अहम जीत दर्ज करने के बाद अब उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर युगांडा की ओर से खेलने का अवसर मिला है। यह न केवल उनके खेल कौशल का प्रमाण है बल्कि प्रदेश के लिए भी गर्व की बात है। ग्राम पंचायत भूमती के प्रधान योगेश गौतम ने कहा कि सुमीत वर्मा ने अपनी मेहनत और लगन से क्षेत्र का नाम रोशन किया है। यह उपलब्धि पूरे क्षेत्र के लिए गौरव की बात है। उनकी इस उपलब्धि से धैणी गाँव, भूमती पंचायत और पूरे अर्की क्षेत्र में हर्ष की लहर है। सुमीत के अर्की से जुड़े मित्रों प्रवीण ठाकुर, देवेन, पुष्पेंद्र, सचिन, पंकज, योगेंद्र, पवन, जेडी राजपूत सहित अन्य ने उन्हें हार्दिक बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। स्थानीय खेल प्रेमियों का कहना है कि सुमीत वर्मा ने अपने कठिन परिश्रम और संघर्ष के बल पर यह मुकाम हासिल किया है। सभी को उम्मीद है कि वह अपने शानदार खेल से युगांडा टीम को सफलता दिलाएंगे और प्रदेश का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन करेंगे।
हिमाचल प्रदेश में एसडीएम ऊना पर युवती ने रेप का मामला दर्ज करवाया है। पुलिस को दी शिकायत में युवती ने आरोप लगाया है कि एसडीएम से उसे अपने कार्यालय में बुलाया था। वहीं उसके साथ दुष्कर्म किया और उसकी आपत्तिजनक वीडियो भी बनाई। पुलिस ने मामला दर्जकर जांच शुरू कर दी है। शिकायत के आधार पर आरोपी के खिलाफ बीएनएस की धारा 69 व 351 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पीड़िता ने शिकायत में बताया कि वह एम फार्मा की छात्रा है, एसडीएम विश्व मोहन देव चौहान ने उसे व्हाट्सएप के माध्यम से संपर्क किया और दो-तीन बार अपने कार्यालय बुलाया। आरोप है कि एसडीएम ने 10 अगस्त को कोर्ट रूम से लाैटते समय शादी का झांसा देकर जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाए। पीड़िता ने बताया कि इसके बाद एसडीएम ने उसे 20 अगस्त को विश्राम गृह ऊना बुलाया और फिर से दुष्कर्म किया। जब युवती ने शिकायत करने की बात कही, तो एसडीएम ने ऑफिस में बनाई गई वीडियो से ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। धीरे-धीरे उसने बात करना कम कर दिया। युवती जब उसके घर गई, तो उसे धक्के मारकर बाहर निकाल दिया गया। पीड़िता ने 28 अगस्त को महिला आयोग में शिकायत दी। इसके बाद एसडीएम ने उसे व्हाट्सएप काॅल के माध्यम से धमकाना शुरू कर दिया। एसडीएम की एक गाड़ी ने उसका कई बार पीछा भी किया। पुलिस अधीक्षक अमित यादव ने बताया कि शिकायत के आधार पर एसडीएम ऊना के खिलाफ मामला दर्ज किया गया हैं। एसडीएम की तलाश जारी है।
अतिरिक्त सत्र न्यायालय देहरा ने आज एक बहुचर्चित जमीन विवाद मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए आरोपी हरी कृष्ण पुत्र रुलिया राम, तहसील रक्कड़, जिला कांगड़ा को विभिन्न धाराओं के तहत सजा सुनाई है। अदालत ने आरोपी को धारा 307 आईपीसी के तहत सात वर्ष का कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माना, धारा 325 के तहत दो वर्ष का कारावास और 5 हजार रुपये जुर्माना तथा धारा 341 के तहत एक माह का कारावास दिया है। फैसले की जानकारी देते हुए उप जिला न्यायवादी संदीप शर्मा ने बताया कि आरोपी और पीड़ित जगदीश चंद के बीच लंबे समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। जगदीश चंद ने अदालत से अपनी जमीन के लिए स्थगन आदेश (स्टे) लिया हुआ था। घटना 11 अक्टूबर 2021 की है, जब सुबह करीब साढ़े आठ बजे जगदीश चंद ने आरोपी को मकान निर्माण रोकने के लिए कहा, क्योंकि उसका कुछ हिस्सा उसकी जमीन पर आ रहा था। इस पर बौखलाए हरी कृष्ण ने बांस के डंडे से जगदीश चंद पर हमला कर दिया और सिर पर गंभीर चोटें पहुंचाईं। मामले की शिकायत हरबंस लाल द्वारा दर्ज करवाई गई थी। जांच की जिम्मेदारी तत्कालीन सहायक उप-निरीक्षक रघुजीत सिंह, थाना रक्कड़ ने निभाई। अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने हरी कृष्ण को दोषी करार देते हुए यह सजा सुनाई है।
तहसील कांगड़ा के गांव कच्छयारी की प्रसिद्ध भजन गायिका व जागरणकर्ता मीरा नरयाल का "आवा तेरे द्वारे" पहला भजन लॉन्च हो गया है। बुधवार को कांगड़ा के विधायक पवन काजल ने "आवा तेरे द्वारे" भजन के पोस्टर का विमोचन करते हुए मीरा नरयाल ऑफिशियल यूट्यूब चैनल पर रिलीज कर दिया है। इस भजन का म्यूजिक राणा फोक स्टूडियो ओजी ने दिया है। इसी के साथ भजन की वीडियो अशोक कुमार ने बनाई है। "आवा तेरे द्वारे" भजन के बोल प्रमोद राणा ने लिखे है। मीरा नरयाल का कहना है कि मेरे इस भजन को रिलीज होने में मेरे माताजी, उस्ताद करनैल राणा व मेरी पूरी टीम का बहुत ज्यादा सहयोग है। मीरा ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि मेरे इस भजन को ज्यादा से ज्यादा सुने और शेयर करे।
हिमाचल प्रदेश कांग्रेस करीब 10 महीने से बिना संगठन के है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष के अलावा बाकी कोई पदाधिकारी तैनात नहीं किया गया है। इस बीच हमीरपुर में बुधवार को कुछ वरिष्ठ नेताओं ने विकास कार्यों पर चर्चा को लेकर बैठक बुलाई। लेकिन यह बैठक लड़ाई का अखाड़ा बन गई। लेकिन इन सबके बीच कार्यकर्ता एक दूसरे के गिरेबान तक पहुंच गए और धक्का मुक्की शुरू हो गई। नेताओं के समझाने पर भी कार्यकर्ता मानने को तैयार नहीं थे। हमीरपुर में लोक निर्माण विभाग के रेस्ट हाउस में बुधवार दोपहर 1 बजे यह बैठक बुलाई गई थी। बैठक के दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने अनदेखी और क्षेत्र में कार्य पूरे न होने के आरोप लगाए। इस पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच आपसी बहसबाजी और तनातनी का माहौल बन गया। हालात ऐसे बने कि चर्चा का फोकस विकास कार्यों से हटकर आपसी आरोप-प्रत्यारोप पर टिक गया। हालांकि वरिष्ठ नेताओं ने माहौल शांत करने की कोशिश की, लेकिन कार्यकर्ताओं की असहमति साफ तौर पर झलकती रही। कार्यकर्ता उलझते हुए रेस्ट हाउस से बाहर कैंपस तक पहुंच गए। डाॅ. पुष्पेंद्र वर्मा सहित अन्य नेता शांत करवाने का प्रयास करवाते रहे, लेकिन कोई भी मानने को तैयार नहीं था। गले से पकड़कर धक्का मुक्की हुई।
हिमाचल प्रदेश के ऊना में मंगलवार को शादी से एक दिन पहले युवती को जिंदा जला दिया गया है। घटना बंगाणा उपमंडल की है। जोल पुलिस चौकी क्षेत्र के गांव बैरियां में 24 वर्षीय अंशिका ठाकुर का अधजला शव मिला है। युवती की शादी अगले दिन भिंडला गांव के एक युवक से होनी थी। मंगलवार दोपहर को फॉरेस्ट गार्ड ने बैरियां-रामनगर सड़क के पास शव देखा। उन्होंने तुरंत जोल पुलिस चौकी को सूचना दी। मृतका की पहचान स्वर्गीय विपिन ठाकुर की बेटी अंशिका के रूप में हुई। शव घर से करीब 500 मीटर दूर मिला हैं। पुलिस जांच में सामने आया कि शव पर आग के निशानों के अलावा चेहरे और गले पर गहरे कट के निशान भी हैं। इससे स्पष्ट है कि युवती की हत्या की गई। पुलिस ने फोरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाया है। परिवार के अनुसार शादी की सभी तैयारियां पूरी हो चुकी थीं। घर में मेहमान भी आने लगे थे। 22 सितंबर की रात करीब 1:00 बजे अंशिका अचानक घर से लापता हो गई। पूरे परिवार और ग्रामीणों ने पूरी रात उसकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। अगले दिन 23 सितंबर को जंगल में ड्यूटी पर तैनात एक फॉरेस्ट गार्ड की नजर अधजले शव पर पड़ी। पुलिस को सूचना दी गई और मौके पर पहुंची टीम ने शव कब्जे में लेकर परिजनों को बुलाया। इस दर्दनाक घटना के बाद सबसे बड़े सवाल अंशिका के मंगेतर को लेकर उठ रहे हैं। बताया जा रहा है कि वह सेना में कार्यरत है और 23 सितंबर की सुबह ही ड्यूटी पर लौट गया। ग्रामीणों के बीच चर्चा है कि जब 24 तारीख को उसकी शादी तय थी, तो वह अचानक ड्यूटी पर क्यों चला गया, जबकि कुछ दिन पहले तक घर पर ही मौजूद था। यही सवाल अब पुलिस जांच का अहम हिस्सा बन गया है। शुरुआती जांच में कई बिंदु सामने आए हैं, लेकिन पुलिस अभी किसी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंची है। लोग और परिजन मांग कर रहे हैं कि मामले की गहन जांच हो, ताकि सच सामने आ सके और अंशिका की मौत की असली वजह का खुलासा हो।
हिमाचल प्रदेश के सोलन में एक दुखद घटना सामने आई है, जहां एक 17 वर्षीय छात्रा ने आत्महत्या कर ली। सोलन के एक क्षेत्रीय अस्पताल ने पुलिस को सूचना दी कि एक छात्रा को फंदा लगाने के बाद गंभीर हालत में लाया गया था, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद, पुलिस टीम तुरंत अस्पताल पहुंची और मृतका की पहचान की। वह लद्दाख की रहने वाली थी। पुलिस की शुरुआती जांच में पता चला है कि छात्रा 11वीं कक्षा में पढ़ती थी और काफी समय से मानसिक तनाव से जूझ रही थी। बताया गया है कि उसे पैर में दर्द की समस्या थी और वह पढ़ाई के दबाव के कारण परेशान रहती थी। घटना से एक दिन पहले, उसने अपने पिता से फोन पर बात की थी और इस दौरान वह रो भी रही थी। यह घटना सुबह हुई, जब उसके सहपाठी क्लास में चले गए थे। छात्रा ने अपने कमरे में खुद को अकेला पाया और एक स्टॉल का इस्तेमाल करके फंदा लगा लिया। सुबह लगभग 9 बजे, एक सफाई कर्मचारी ने उसे फंदे से झूलते हुए देखा और तुरंत स्कूल प्रशासन को इसकी जानकारी दी। इसके बाद, छात्रा को सोलन अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से मुआयना किया। जांच के दौरान, पुलिस को लद्दाखी भाषा में लिखा हुआ एक हस्तलिखित नोट भी मिला है, जिसकी जांच की जा रही है। इसके अलावा, फंदे के लिए इस्तेमाल किया गया स्टॉल और स्कूल बेल्ट को पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया है। इस मामले की जांच के लिए फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (SFSL) की टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। सोलन पुलिस अधीक्षक गौरव सिंह ने बताया कि मृतका के परिजनों को सूचित कर दिया गया है। परिजनों के सोलन पहुंचने के बाद ही शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। एसपी ने यह भी कहा कि हालांकि अभी तक किसी ने भी छात्रा की मौत पर कोई शक जाहिर नहीं किया है, फिर भी पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और हर पहलू से जांच कर रही है ताकि सच्चाई सामने आ सके।
हिमाचल प्रदेश के तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने प्रतिष्ठित 'हिम आइकॉन पुरस्कार' से रमिंदर बावा को सम्मानित किया। यह सम्मान उन्हें शिक्षा, पर्यटन और समाजसेवा के क्षेत्रों में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए प्रदान किया गया। रमिंदर बावा, सोलन स्थित साईं इंटरनेशनल स्कूल में एक समर्पित शिक्षाविद् हैं, जो युवा मन को आकार देने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। वे न केवल एक प्रसिद्ध ट्रैवल कंसल्टेंट और इवेंट प्लानर हैं, बल्कि लायंस क्लब इंटरनेशनल से जुड़े एक सक्रिय सामाजिक कार्यकर्ता भी हैं। बावा की प्रेरणादायक यात्रा केवल हिमाचल तक सीमित नहीं रही। वे अब तक 128 देशों की यात्रा कर चुके हैं, जिसके माध्यम से उन्होंने दुनियाभर में ज्ञान, संस्कृति और मानवीय संबंधों के आदान-प्रदान को बढ़ावा दिया है। उनकी ये यात्रा पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ भारत की विविधता को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत करने का कार्य भी करती है। पुरस्कार प्राप्त करने के उपरांत रमिंदर बावा ने कहा, "यह सम्मान मेरे लिए नहीं, बल्कि उन सभी विद्यार्थियों, सहकर्मियों और समाज के लोगों के लिए है, जिन्होंने मुझे निरंतर प्रेरित किया है। मेरा प्रयास रहेगा कि मैं शिक्षा, पर्यटन और समाजसेवा के माध्यम से अपने राज्य और देश का नाम रोशन करता रहूं।" हिम आइकॉन पुरस्कार उनके समर्पण, बहुआयामी प्रतिभा और समाज के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीक बन गया है।
सिरमौर जिले के पांवटा साहिब में तीन लड़के यमुना नदी में डू*ब गए। पांवटा साहिब के यमुना घाट के पास पहले एक लड़का नहाने के लिए नदी में उतरा। उसे बचाने के लिए दो सगे भाई नदी में उतर गए और तीनों पानी के तेज बहाव में बह गए। यह हादसा मंगलवार सुबह करीब 11:30 बजे पेश आया। मगर अब तक तीनों लड़कों का सुराग नहीं मिल पाया है। स्थानीय प्रशासन ने इनकी तलाश के लिए गोताखोर बुलाए हैं। यमुना घाट के आसपास निरंतर पानी में डुबकी लगाकर लापता लड़कों की तलाश जारी हैं। तीनों लड़के शिलाई क्षेत्र के हैं। बताया जा रहा कि तीनों लड़के शिलाई के ग्वाली गांव अपने कुल देवता के स्नान के लिए हरिद्वार गए हुए थे। गांव के काफी संख्या में लोग भी देवता के साथ हरिद्वार गए थे। बीती शाम को ही ये लोग पांवटा साहिब पहुंचे। आज सुबह नदी में नहाने उतरने से यह हादसा हो गया। पुलिस के अनुसार, सबसे पहले अमित (23) पुत्र जोगी राम नदी में नहाने उतरा। जैसे ही अमित पानी में डूबने लगा, उसे बचाने के लिए पीछे कमलेश (22) पुत्र प्रेम सिंह और उसका भाई रजनीश (20) नदी में उतरे। मगर तीनों ही पानी में डू*ब गए। आसपास मौजूद लोगों ने तीनों को नदी में काफी दूर तक बहते हुए देखा। SHO पांवटा साहिब देवी सिंह नेगी ने बताया- गोताखोरों की मदद से सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। नदी में पानी अधिक होने से सुराग नहीं मिल पाया। एसडीएम गुंजीत सिंह चीमा, DSP मानवेंद्र ठाकुर आदि अफसर मौके पर मौजूद हैं।
शिमला कोर्ट ने मंगलवार को नाबालिग से छेड़छाड़ मामले में आरोपी को दोषी ठहराया है। रामपुर स्थित पॉक्सो कोर्ट ने 3 साल की जेल और 5 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है। आरोपी की पहचान रामपुर तहसील के मझेवली गांव के 22 वर्षीय रीजन उर्फ गोलु के तौर हुई है। घटना 28 नवंबर 2024 की रात की है। 13 वर्षीय पीड़िता अपनी नानी के घर थी। रात 11 बजे आरोपी रीजन ने दरवाजा खटखटाया। नानी के दरवाजा खोलने पर उसने धक्का देकर अंदर घुसा। आरोपी ने पीड़िता का हाथ पकड़कर उसे बाहर खींचने की कोशिश की। उसने पीड़िता के बाल और गला भी पकड़ लिया। पीड़िता ने जब अपने चचेरे भाई का दरवाजा खटखटाया, तो आरोपी वहां से फरार हो गया। पीड़िता ने तुरंत अपनी मां को घटना की जानकारी दी। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया। कोर्ट में कुल 12 गवाहों और एक बचाव पक्ष के साक्ष्य दर्ज किए गए। कोर्ट ने पॉक्सो एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत सजा सुनाई हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की जनता को बड़ी राहत देते हुए GST की दरों में कमी की है। इस ऐतिहासिक फैसले की खुशी में आज खुंडियां बाज़ार में भारतीय जनता पार्टी मंडल खुंडियां के द्वारा हलवा बनाकर और मिठाइयाँ बाँटकर जश्न मनाया गया। मोदी जी की जनहितैषी नीतियों से हर वर्ग को सीधा लाभ मिल रहा है। आम जनता से लेकर व्यापारी तक आज खुश हैं और हर कोई यही कह रहा है कि मोदी है तो मुमकिन है। इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष संजय राणा, पंचायत समिति उपाध्यक्ष सुरजीत राणा, प्रधान चिलगा विक्रम सिंह, बलदेव सिंह राणा, जनक सिंह, राजिंद्र खरियाल, अंकित राणा, वी.के. राणा, गौरव, विशाल राणा तथा युवा मोर्चा अध्यक्ष अजय राणा जी विशेष रूप से उपस्थित रहे। खुंडियां बाज़ार मोदी जी के जयकारों से गूंज उठा और हर चेहरा उत्साह और उमंग से चमक रहा था।
श्री राम लीला जन कल्याण समिति कुनिहार के सौजन्य से राजदरबार कुनिहार में आयोजित की जा रही 11 दिवसीय श्री राम लीला के दूसरे दिन रामलीला के पात्रों द्वारा अनेक मनमोहक दृश्य दर्शाए गए। दूसरे दिन का शुभारंभ अष्टभुजा धारी मां दुर्गा की सुंदर व आकर्षक झांकी के साथ हुआ। इस दौरान हाटकोट पंचायत प्रधान जगदीश अत्री ने मुख्यातिथि के तौर पर पहुंचकर मां दुर्गा की आरती उतारी व मां का आशीर्वाद लिया। समिति सदस्यों द्वारा मुख्यातिथि को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि ने अपने सम्बोधन में कहा कि राम लीला जन कल्याण समिति कुनिहार द्वारा हमारी सनातन संस्कृति को निरंतर आगे बढ़ाया जा रहा है जो कि बड़े हर्ष की बात है। हमें ऐसे धार्मिक कार्यों में बढ़चढ़ कर भाग लेना चाहिए। उन्होंने समिति को अपनी ओर से 11 हजार रुपए देने की घोषणा की। दूसरे दिन की रामलीला में पात्रों द्वारा श्रवण कुमार लीला का सुंदर मंचन किया गया कि कैसे श्रवण कुमार अपने अंधे माता पिता को पालकी में बिठाकर कंधे पर उठाकर तीर्थ यात्रा के लिए ले जाते है और माता पिता को प्यास लगने पर पानी लाने के लिए श्रवण कुमार सरयू नदी पर पहुंचते है जहां श्रवण कुमार की आहट सुनकर शिकार के लिए बैठे राजा दशरथ शब्दभेदी बाण चलाते हैं जो श्रवण कुमार को लगता है। जिससे श्रवण कुमार की मृत्यु होती है। उसके बाद श्रवण के माता पिता द्वारा राजा दशरथ को श्राप देने का दृश्य दर्शाया गया। जिसे दर्शकों ने खूब सराहा और अभिनय करने वाले पात्रों का तालियां बजाकर उत्साह बढ़ाया। इसके अलावा रामलीला के अन्य दृश्य भी दर्शाए गए। इस रामलीला मंचन में आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से भी काफी संख्या में लोग पहुंच रहे है।
हाल ही में आई भीषण बाढ़ से धर्मपुर और सोनखड्ड क्षेत्र के लोगों को भारी नुकसान झेलना पड़ा। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि इस बाढ़ का सबसे बड़ा कारण प्राकृतिक नहीं बल्कि मानवीय लापरवाही है। क्षेत्र में सड़कों की कटाई के बाद ठेकेदारों और निजी लोगों द्वारा मिट्टी की अवैध डंपिंग खुलेआम की गई, जिसने पानी के प्राकृतिक बहाव को रोक दिया। जानकारी के अनुसार, सड़क निर्माण और चौड़ीकरण कार्यों के दौरान निकली मिट्टी को निर्धारित स्थलों पर डालने के बजाय नालों और नदी किनारों पर ही फेंका गया। इससे जलधाराओं का मार्ग अवरुद्ध हो गया। भारी बारिश के समय पानी को रास्ता न मिलने के कारण गांवों और खेतों में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन और संबंधित विभागों की लापरवाही के चलते यह स्थिति बनी। स्थानीय लोगों ने कई बार मिट्टी डंपिंग की शिकायत की, लेकिन समय रहते कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। अब इसका खामियाजा किसानों को अपनी फसलों के नुकसान और लोगों को घरों में घुसे पानी के रूप में भुगतना पड़ रहा है। गांव वासियों की मांग है कि सरकार अवैध मिट्टी डंपिंग करने वाले ठेकेदारों और अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई करे। साथ ही, भविष्य में ऐसे हालात से बचने के लिए नालों की सफाई और उचित ड्रेनेज व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। धर्मपुर से आगे हाजरी क्रशर के पास भी मिट्टी सीधे सोनखड्ड में फेंकी जा रही है जिसके कारण सोनखड्ड का जलस्तर बढ़ गया जिसने भी तबाही मचाने में अहम रोल निभाया है। विशेषज्ञों का भी मानना है कि प्राकृतिक आपदाएं पूरी तरह से टाली नहीं जा सकतीं, लेकिन मानवीय गलतियों से होने वाले नुकसान को रोका जा सकता है। धर्मपुर-सोनखड्ड का यह मामला इसका ताजा उदाहरण है। स्थानीय लोगों राम सिंह, विधी चंद, विकास कुमार, लता देवी, बबली देवी का कहना है कि अगर सरकार दोषियों पर जल्द कार्रवाई नहीं करती, तो आने वाले समय में यह समस्या और विकराल रूप ले सकती है।


















































