भरमौर विधायक डॉक्टर जनक राज ने रविवार को केंद्रीय जनजातीय राज्यमंत्री दुर्गा दास के समक्ष विभिन्न मुद्दों पर सार्थक चर्चा की और विभिन्न मांगो को लेकर माँग पत्र सौंपे। इस चर्चा का मुख्य विषय मेहला ब्लॉक की चौबीस पंचायतों के लोगों को जनजातीय दर्जा और क्षेत्र को जनजातीय उपयोजना में शामिल करवाना ताकि विकास में धन की कमी न हो और गाँव हड़सर और उल्लांसा के छूट गए लोगों को जनजातीय दर्जा मिले, साथ ही पाँगी के लिए पठानकोट किलाड़ उच्च मार्ग, भनोड़ी से प्रेग्रान रोपवे, होली उतराला सड़क को केन्द्र के अधीन करने, मणिमहेश यात्रा को प्रसाद योजना में शामिल करने के लिए, चौरासी मंदिर समूह की सुरक्षा और व्यवस्था सुधार, ब्रेही से करेरी सुरंग, राष्ट्रीय राजमार्ग 154-A के सुधार और विस्तारीकरण के लिए यह मांग पत्र जनजातीय राज्यमंत्री के समक्ष रखे गए।
शिमला जिला के उपमंडल रामपुर बुशहर की डंसा पंचायत में रविवार काे कराली और थाना गांव के बीच एक भालू ने अचानक 2 लाेगाें पर हमला कर दिया। इस घटना में एक पुरुष और एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलाें काे ग्रामीणों की मदद से खनेरी अस्पताल में भर्ती करवाया गया है, जहां उनका उपचार चल रहा है। जानकारी के अनुसार सरंजन नेगी नामक व्यक्ति अपनी भेड़-बकरियों को चरा रहा था, जबकि पास ही एक महिला घास काट रही थी। तभी झाड़ियों में छिपा भालू उन पर झपटा और दोनों को गंभीर रूप से घायल कर दिया। हमले के दौरान पीड़ितों ने शोर मचाकर खुद को बचाने की कोशिश की। उनकी आवाज सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे। इसके बाद ग्रामीणों ने दाेनाें घायलाें काे तुरंत अस्पताल पहुंचाया। बता दें कि भालू के हमले में सरंजन नेगी और महिला काे काफी घाव आए हैं। वहीं ग्रामीणों ने घटना की सूचना पुलिस और वन विभाग काे दी, जिस पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है, वहीं वन विभाग ने इलाके में निगरानी बढ़ा दी है। गांव के लोगों में इस घटना के बाद से दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने वन विभाग से मांग की है कि जल्द से जल्द पिंजरे लगाकर भालू को पकड़ा जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय की केन्द्रीय योजना के अंतर्गत संस्कृत संवर्धन योजनाओं के तहत वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए छात्रवृत्ति प्रदान करने हेतु केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय दिल्ली द्वारा ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। यह छात्रवृत्ति योजना कक्षा 9वीं से लेकर पीएचडी स्तर तक संस्कृत, पाली एवं प्राकृत भाषाओं का नियमित अध्ययन करने वाले छात्रों के लिए है। केन्द्रीय योजना के निदेशक प्रो.मधुकेश्वर भट्ट ने बताया कि यह योजना पारंपरिक एवं आधुनिक दोनों धाराओं के विद्यार्थियों के लिये लागू है। जानकारी देते हुए केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के अंतर्गत हिमाचल के परागपुर के निकटवर्ती बलाहर में चल रहे वेदव्यास परिसर की निदेशक प्रो. सत्यम कुमारी ने बताया कि आवेदन की अंतिम तिथि 30 सितंबर 2025 निर्धारित की गई है। आवेदन करने के उपरांत वरियतानुसार मेरिट में आने वाले छात्रों को यह छात्रवृत्ति दी जाएगी। यह छात्रवृत्ति उन विद्यार्थियों को दी जाती है जो संस्कृत/पाली/प्राकृत विषय को मुख्य या वैकल्पिक विषय के रूप में किसी मान्यता प्राप्त संस्कृत पाठशाला, संस्कृत महाविद्यालय, संस्कृत विश्वविद्यालय, विद्यालय, महाविद्यालय या विश्वविद्यालय में अध्ययनरत हैं। वहीं उन्होंने बताया कि ऑनलाइन पंजीकरण/प्रोफाइल अपडेट की अंतिम तिथि 28 सितंबर 2025 व ऑफलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 30 सितंबर 2025 रखी गई है। इस प्रतिस्पर्धा में शामिल होने के लिए समस्त आवेदन (www.scholarship2025.sanskrit.ac.in) पर किए जाएंगे व विस्तृत जानकारी के लिए (www.sanskrit.nic.in/schemes) लिंक दिया गया है।
पुलिस थाना सुंदरनगर की टीम ने जड़ोल में गश्त के दौरान एक युवक को 344 ग्राम चरस के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान कुल्लू जिला के पनवी गांव निवासी कुंज लाल (27) के रूप में हुई है। शनिवार दोपहर बाद सुंदरनगर थाना पुलिस का दल मुख्य आरक्षी हंसराज के नेतृत्व में जड़ोल फोरलेन पर गश्त पर थे। इसी दौरान पैदल जा रहा एक युवक पुलिस को देख कर घबरा गया और नजरे चुराते हुए तेज गति से जाने लगा। संदेह होने पर पुलिस ने उसे रोका और तलाशी लेने पर उसके पास से 344 ग्राम चरस बरामद हुई। जिस पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ सुंदरनगर थाना में प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई आरंभ कर दी है।
वन विभाग द्वारा अवैध कटान के खिलाफ देहरा वन मंडल अधिकारी सनी वर्मा ने डाडासीबा रेंज की टीमों के साथ पंजाब सीमा से सटे संवेदनशील क्षेत्रों कानपुर, अमरोह, संसारपुर, और टेरेस में गश्त की एवं नाके लगाए। उन्होंने बताया कि अवैध कटान व तस्करी रोकने के लिए दो अस्थायी चौकियां कानपुर और अमरोह में स्थापित की गई हैं, जहाँ प्रत्येक वाहन की जांच की जा रही है। वन मंडल अधिकारी ने कहा कि अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने हेतु बहुआयामी रणनीति अपनाई गई है। नियमित गश्त के साथ-साथ स्थानीय समुदायों से भी अनुरोध किया गया है कि यदि कोई संदिग्ध वाहन या व्यक्ति दिखे तो उसकी सूचना तुरंत वन विभाग को दें। उन्होंने यह भी कहा कि आपके लिए और आने वाली पीढ़ियों के लिए इन महत्वपूर्ण वनों को बचाना बहुत जरूरी है जिस के लिए आप वन विभाग का साथ दें।
प्रदेश के दस जिलों में शनिवार और रविवार को बारिश का येलो अलर्ट जारी हुआ है। शुक्रवार को राजधानी शिमला, धर्मशाला और कांगड़ा में बूंदाबांदी हुई। मौसम विज्ञान केंद्र शिमलाके अनुसार राज्य के कई भागों में 18 सितंबर तक बारिश का दाैर जारी रहने का पूर्वानुमान है। कुछ स्थानों में 13 व 14 सितंबर को भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी हुआ है। वीरवार रात को मुरारी देवी में 75.0, मंडी में 61.8, सुंदरनगर में 52.4, सलापड़ में 46.6, कांगड़ा में 43.7, घाघस में 40.0, जोगिंद्रनगर में 27.0, बग्गी में 17.9, कसौली में 17.2 व धर्मपुर में 14.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। शुक्रवार शाम तक प्रदेश में 503 सड़कें, 953 बिजली ट्रांसफार्मर और 336 पेयजल योजनाएं ठप रहीं। इस मानसून सीजन के दौरान अभी तक 4,465 करोड़ रुपये की संपत्ति का नुकसान हो चुका है। 20 जून से 12 सितंबर तक 386 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी है। 451 लोग घायल हुए हैं। 41 लोग अभी भी लापता हैं। इस दौरान 168 लोगों की सड़क हादसों में मौत हुई है। राज्य में 538 पक्के, 834 कच्चे मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं। 1878 पक्के और 4005 कच्चे मकानों को आंशिक तौर पर नुकसान हुआ है।
उपमंडल ज्वालामुखी के तहत शिक्षा खंड खुंडियां के वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला महादेव में पेरेंट टीचर मीटिंग का आयोजन शुक्रवार को हुआ। इस मीटिंग की अध्यक्षता प्रधानाचार्य मनोज कुमार व एस एम सी अध्यक्षा अंजना कुमारी, राजकीय प्राथमिक पाठशाला की ओर से मुख्य शिक्षक भीम सिंह राणा एस एम सी अध्यक्षा मीना कुमारी ने की। पहले यह मीटिंग 30 अगस्त को होनी थी लेकिन खराब मौसम के चलते स्थगित हो गई थी। इस मीटिंग में बहुत से विषयों पर चर्चा की गई। वहीं सभी अभिभावकों के एंड्रॉयड फोन पर स्विफ्ट चैट ऐप डाउनलोड करवाई गई, समर अभ्यास के बारे में जानकारी दी गई व इसके फायदों के बारे में भी बताया। साथ ही बच्चों को जरूरतानुसार फोन देने और नशे से दूर रहने की बात की गई। शिष्टाचार अनुशासन समय के सही उपयोग का बच्चों के जीवन में अहम रोल है इस विषय पर भी चर्चा हुई। अंत में प्रधानाचार्य, मुख्य शिक्षक तथा समस्त स्टाफ ने अभिभावकों के आने के लिए उनका धन्यवाद किया व भविष्य में ऐसे ही सहयोग की कामना की।
नशा माफिया के खिलाफ पुलिस सख्ती से कार्यवाही कर रही हैं। नशे के खिलाफ अभियान के तहत पुलिस थाना घुमारवीं की टीम ने कीरतपुर-नेरचौक फोरलेन पर स्थित बलोह टोल प्लाजा के समीप नाका लगाकर पंजाब नंबर की एक गाड़ी से 987.4 ग्राम चरस बरामद की है। गाड़ी में सवार पंजाब के 3 युवकों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों में गीतांश बातीश (26) व मोहम्मद अफरीदी (25) निवासी जिला पटियाला, पंजाब तथा सर्वजीत सिंह (24) निवासी जिला जालंधर, पंजाब शामिल हैं। पुलिस ने तीनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार पुलिस टीम ने बलोह टोल प्लाजा के समीप नाका लगाया था। इस दौरान पंजाब नंबर की गाड़ी को तलाशी के लिए रोका गया। तलाशी के दौरान वाहन से चरस बरामद हुई। वहीं एक और मामला सामने आया, जिसमें बरमाणा पुलिस ने गश्त के दौरान रेन शैल्टर पर बैठे एक युवक की संदेह के आधार पर तलाशी ली तो उसके बैग से 75.52 ग्राम चरस बरामद की। आरोपी की पहचान अर्पित शर्मा (24) निवासी I-150 शक्करपुर जेजे कलोनी, आनंद वास शक्करपुर नाॅर्थ वैस्ट दिल्ली के रूप में हुई। पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध थाना बरमाणा में मामला दर्ज कर आरोपी को हिरासत में ले लिया। डीएसपी बिलासपुर मदन धीमान ने दोनों मामलों की पुष्टि करते हुए कहा कि नशा माफिया के खिलाफ सख्ती जारी रहेगी।
राजकीय बॉयज वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला प्रागपुर की 11वीं कक्षा की छात्रा सुहानी शर्मा, नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम की यात्रा करेगी और भारत मानक ब्यूरो द्वारा भारत मंडपम, नई दिल्ली में आयोजित विद्युत-तकनीकी आयोग (IEC) प्रदर्शनी, जो 15 से 19 सितंबर तक आयोजित होगी, उसमें भी भाग लेगी। इस प्रदर्शनी में 150 देश के प्रतिनिधि शामिल होंगे। जैसे की सर्वविदित है कि प्रागपुर बॉयज स्कूल के छात्र मयंक शर्मा और सुहानी शर्मा ने ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (BIS) के राष्ट्रीय ऑनलाइन प्रश्नोत्तरी कार्यक्रम में प्रथम स्थान हासिल किये थे जिसके लिए दोनों विद्यार्थियों को 10,000-10,000 रुपए की इनाम राशि भी दी गई थी l इसी क्रम में भारत मानक ब्यूरो, राष्ट्रीय ऑनलाइन प्रश्नोत्तरी कार्यक्रम के प्रथम स्थान में रहने पर सुहानी शर्मा को इस अंतर्राष्ट्रीय प्रदर्शनी में भाग लेने का अवसर दे रहा है ताकि बच्चों में अधिक बौद्धिक विकास हो सके l साथ ही सुहानी के पिता राजकुमार बहुत उत्साहित हैं। विद्यालय के एसएमसी प्रधान सुनील कुमार एवं प्रधानाचार्य सीमा कौशल ने सुहानी शर्मा को बधाई दी है l वहीं स्टैंडर्ड क्लब के प्रभारी विवेकानंद शर्मा ने ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड का धन्यवाद किया है।
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में बैंक ऑफ बड़ौदा की कसुम्पटी शाखा में 3.70 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। मामले में वरिष्ठ बैंक प्रबंधक के खिलाफ छोटा शिमला थाना में एफआईआर दर्ज की गई है। शिकायतकर्ता बैंक ऑफ बड़ौदा के उप क्षेत्रीय प्रबंधक राजेश कुमार गाबा ने बताया कि बैंक की कसुम्पटी शाखा के सीनियर मैनेजर अंकित राठौर ने 3.70 करोड़ का फर्जीवाड़ा किया। आरोप है कि 22 व 27 अगस्त, को दो किस्तों में एक खाते से 3.70 करोड़ रुपए चुपके से एक महिला के खाते में ट्रांसफर कर दिए। इसे बाद में कई खातों व नकद निकासी के जरिये निकाल लिया गया। पुलिस और विभागीय जांच का शिकंजा कसता देख आरोपी मैनेजर ने लिखित में अपना जुर्म कबूल कर लिया है। उसने बताया कि यह धोखाधड़ी उसने निजी फायदे के लिए की थी और इस साजिश में कुछ अज्ञात व्यक्ति भी उसके साथ शामिल थे। वर्तमान में 90.95 लाख खाते में शेष हैं, जिसे फ्रीज कर दिया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। आरोपी मैनेजर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 316(5) के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है तथा मामले में शामिल अन्य व्यक्तियाें के बारे में भी पता लगाया जा रहा है।
उपमंडल ज्वालामुखी तहसील खुंडियां स्थित पूर्व सैनिक लीग के पूर्व सैनिकों ने मंडी राहत कोष में लगभग दो महीने तक दान राशि इकट्ठा कर शुक्रवार को जिला मंडी में 223100 रुपए की दान राशि डॉक्टर मदन कुमार, अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी को हैंड ओवर की। लीग के चेयरमैन रिटायर्ड कर्नल एम एस राणा ने बताया कि उनकी लीग ने 30 जून को मंडी में भूस्खलन से हुए नुकसान के तुरन्त बाद जुलाई के प्रथम सप्ताह से ही राहत राशि इकट्ठा करने की अपील की थी। शुरुआत में लीग ने 27 परिवारों को राशन किट भिजवाई। तदोपरांत इलाके के अधिकतर पूर्व सैनिकों एवं अन्य लोगों ने लीग के अकाउंट में स्वेच्छा से दान राशि जमा करवाई। कर्नल राणा ने अपने सहयोगी रहे भारत के अन्य राज्यों के सैन्य अधिकारियों से भी दान करने की अपील की जिनका भरपूर सहयोग मिला और शुक्रवार को एकत्र राशि को मंडी जिला के डॉक्टर मदन कुमार अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी को दो लाख तेईस हजार एक सौ का चेक मंडी जिले के प्रभावित परिवारों के लिए हैंड ओवर किया। इस अवसर पर लीग के सदस्य सूबेदार मेजर माधो राम, सूबेदार अमर सिंह और सूबेदार बुद्धि सिंह उपस्थित रहे।
उपमंडल जुब्बल के छोटे से गांव नकराड़ी से संबंध रखने वाले रमन नेपटा ने बड़ी उपलब्धि हासिल कर क्षेत्र व प्रदेश का नाम रोशन किया है। गृह रक्षा विभाग में बतौर कांस्टेबल 2015 में भर्ती हुए रमन अब पदोन्नत होकर प्रदेश के सबसे कम उम्र के कंपनी कमांडर बने हैं। शिमला स्थित द्वितीय बटालियन के कमांडेंट आर. पी. नेपटा ने उन्हें कंपनी कमांडर का रैंक चिन्ह लगाकर सम्मानित किया। रमन ने अपनी लगन और कर्तव्यनिष्ठा से 2022 में डी. जी. होमगार्ड सम्मान भी प्राप्त किया था। इसके अलावा 2023 में नागपुर से उन्होंने सिविल डिफेंस इंस्ट्रक्टर का विशेष कोर्स भी सफलतापूर्वक पूरा किया। रमन नेपटा ने कहा कि वह विभाग की जिम्मेदारियों को पूरी ईमानदारी से निभाते हुए समाज की सेवा के लिए सदैव तत्पर रहेंगे।
रामपुर बुशहर की ननखड़ी तहसील की अड्डू पंचायत में बागवानों की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही है। हालात ऐसे हैं कि सेब सीजन के चरम पर होने के बावजूद बागवान अपनी मेहनत से उगाए सेब खुले में फेंकने को मजबूर है। सड़क मार्ग बाधित होने और एचपीएमसी का खरीद केंद्र न खुलने के कारण बागवानों को भारी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ रहा हैं। ग्राम पंचायत प्रधान पिंकु खुंद ने बताया, "क्षेत्र में कई दिनों से सड़कें बंद होने के चलते सेब को मंडियों तक पहुंचाना संभव नहीं हो पा रहा हैं। एचपीएमसी का खरीद केंद्र भी समय पर न खुलने से बागवानों को कोई सहारा नहीं मिल पा रहा है। प्राकृतिक आपदा के कारण हालात और भी खराब हो गए है। बागवानों की फसल खेतों में ही बर्बाद हो रही हैं।" बागवानों ने बताया कि मौसम की मार और प्रशासनिक लापरवाही ने उन्हें मुश्किल में डाल दिया हैं। कुछ बागवान तो इतने मजबूर हो गए हैं कि अपनी मेहनत की पूरी उपज खुले में फेंक रहे है। स्थानीय बागवान देवराज शिला, गुड्डू राम शिला, रमेश चंद जतराल, अमित जतराल और रमेश ठाकुर भी सड़क और एपीएमसी खरीद केंद्र बंद होने से परेशान है। इन बागवानों ने कहा, "इस बार बागवानों को भारी आर्थिक क्षति उठानी पड़ी हैं। क्षेत्र की अधिकांश जनता की आजीविका सेब पर ही निर्भर है, लेकिन इस बार प्राकृतिक आपदा ने सब कुछ तहस-नहस कर दिया हैं।" बागवानों ने सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने कहा कि बागवानी ऋण, खासकर केसीसी (कृषि ऋण) की माफी की जाए। ताकि वे आने वाले सीजन के लिए तैयार हो सके। बागवान सरकार से राहत की आस लगाए बैठे है।
शूलिनी विश्वविद्यालय के मनोविज्ञान एवं व्यवहार विज्ञान केंद्र ने विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस के अवसर पर जागरूकता गतिविधियों की एक श्रृंखला आयोजित की, जिसमें मानसिक स्वास्थ्य और समय पर हस्तक्षेप के महत्व पर प्रकाश डाला गया। इस दिन की शुरुआत नारा लेखन, पोस्टर निर्माण और कविता प्रतियोगिताओं के साथ हुई, जिनमें छात्रों की 60 से अधिक उत्साही प्रविष्टियाँ प्राप्त हुईं। प्रत्येक प्रविष्टि में रचनात्मकता और संवेदनशीलता के साथ आत्महत्या रोकथाम के विषय को दर्शाया गया था। जागरूकता के प्रतीक के रूप में पूरे परिसर में रिबन बैज भी वितरित किए गए, जबकि स्वयंसेवकों ने संदेश फैलाने के लिए छात्रों और कर्मचारियों के साथ बातचीत की। कुलाधिपति प्रो. प्रेम कुमार खोसला ने कार्यक्रम का दौरा किया और प्रतिभागियों के प्रयासों की प्रशंसा की। सुबह का सत्र दोपहर 12:30 बजे समाप्त हुआ। शाम को, एक जागरूकता पदयात्रा का आयोजन किया गया, जिसमें 100 से अधिक छात्रों ने भाग लिया। इस पदयात्रा में पाइन कोर्ट, रिसेप्शन ब्लॉक ए और द मॉल में प्रभावशाली नुक्कड़ नाटकों का प्रदर्शन किया गया, जहाँ जनता ने कलाकारों के साथ सक्रिय रूप से भाग लिया। आत्महत्या रोकथाम पर जानकारी वाले फ्लैशकार्ड वितरित किए गए और छात्रों ने जागरूकता फैलाने के लिए नारे लगाए। शाम को यह पदयात्रा सोलन के चिल्ड्रन पार्क में समाप्त हुई, जिसके बाद सभी प्रतिभागियों के लिए जलपान की व्यवस्था की गई।
अटल शिक्षा कुंज स्थित आईईसी यूनिवर्सिटी के फिजियोथेरेपी विभाग ने एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया, जिसमें छात्रों द्वारा शारीरिक स्वास्थ्य और फिजियोथेरेपी के प्रति जागरूकता बढ़ाने का संकल्प लिया। इस कार्यक्रम में छात्रों ने उत्साह के साथ भाग लिया और फिजियोथेरेपी के महत्व पर खुल कर चर्चा की। इस कार्यक्रम के सांस्कृतिक भाग में छात्रों ने बॉलीवुड डांस, नाटी, हरियाणवी नृत्य, भांगड़ा के साथ भाषण, कविता और स्किट की प्रभावशाली प्रस्तुतियों द्वारा फिजियोथेरेपी के विभिन्न पहलुओं और शारीरिक स्वास्थ्य को बनाए रखने के लिए फिजियोथेरेपी के महत्व पर भी प्रकाश डाला। इस अवसर पर आईईसी यूनिवर्सिटी की सीनियर मैनेजमेंट ने फिजियोथेरेपी विभाग की इस पहल की सराहना की और छात्रों को इस क्षेत्र में उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम का समापन विभागाध्यक्ष के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला देश के सबसे स्वच्छ शहरों में से एक था, लेकिन लगातार पिछड़ती रैंकिंग ने शहर के स्वच्छता अभियान पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हाल ही में जारी हुई स्वच्छ सर्वेक्षण रिपोर्ट में शिमला को 347वां स्थान मिला है, जो इसकी अब तक की सबसे खराब रैंकिंग है। यह वही शहर है जो साल 2016 में देश के शीर्ष 30 स्वच्छ शहरों की सूची में 27वें नंबर पर था। शिमला की यह गिरावट एक दिन में नहीं हुई है, बल्कि पिछले कुछ सालों से यह सिलसिला जारी है। साल 2017 में 47वां, 2018 में 144वां, 2019 में 127वां और 2020 में 65वां स्थान मिला था। 2023 में शिमला को 56वां रैंक मिला था लेकिन 2024 में यह एकदम से नीचे गिरकर 188वें रैंक पर आ गया। और अब यह 347वें स्थान पर हैं। इस साल शिमला को कुल 4798 अंक मिले। इस गिरावट का एक बड़ा कारण यह है कि रैंकिंग के लिए इस्तेमाल होने वाली हाई-टेक मशीनरी का सही उपयोग नहीं हो रहा है। शहर में करोड़ों रुपये की मशीनरी होने के बावजूद, सफाई व्यवस्था में सुधार नहीं दिख रहा है। रैंकिंग में गिरावट का एक और बड़ा कारण जनप्रतिनिधियों की उदासीनता को माना जा रहा है। शहर में नियमित सफाई अभियान नहीं चलाए जा रहे हैं। जनता की भागीदारी भी कम हो गई है। हालांकि, शहर के नागरिकों ने सर्वेक्षण में शहर की सफाई व्यवस्था को अच्छा बताया, जिससे शिमला को कुछ अंक मिले। शिमला स्वच्छ वातावरण के लिए जाना जाने वाला शहर था, इसी स्वछता के लिए लोग शिमला आना पसंद करते थे। लेकिन इस खराब प्रदर्शन के कारण यह खूबसूरत शहर अपनी पहचान खोता जा रहा हैं।
स्वास्थ्य एंव परिवार कल्याण, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सैनिक कल्याण मंत्री डॉ. धनीराम शांडिल ने वीरवार को प्रसिद्ध शक्तिपीठ ज्वालामुखी मंदिर में शीश नवाया। उन्होंने माता की दिव्य ज्योतियों के साथ-साथ माता के गर्भग्रह, योगिनी कुंड और शयन भवन में दर्शन किए। उन्होंने माता ज्वाला से प्रदेश में आ रही आपदाओं पर विराम लगने और प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि तथा कल्याण की कामना की। इस दौरान मंदिर न्यास की ओर से उन्हें माता की स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित भी किया गया। इसके उपरांत स्वास्थ्य मंत्री ने स्वास्थ्य विभाग के सौजन्य से टीबी निक्षय मित्रों को हेल्थ डाइट किट वितरित की। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि टीबी उन्मूलन जैसे जनहितकारी अभियानों को सफल बनाने में समाज के विभिन्न वर्गों की सहभागिता अनिवार्य है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि निक्षय मित्र समाज में टीबी रोगियों को पोषण एवं सहयोग प्रदान कर महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उनकी यह भागीदारी सरकार के प्रयासों को और अधिक गति प्रदान करेगी। डॉ. शांडिल ने प्रदेशवासियों से भी आह्वान किया कि वे स्वास्थ्य संबंधी योजनाओं में सक्रिय योगदान दें और स्वस्थ हिमाचल निर्माण में सहभागी बनें। इस अवसर पर तहसीलदार एंव मंदिर न्यास अधिकारी मनोहर लाल, सहायक पुलिस अधीक्षक स्माईला चौधरी, एसएचओ ज्वालामुखी नाजर सिंह, खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजय बजाज, डाॅ. आर के सूद, डाॅ. रजनीश, डाॅ. शिल्पी पांडे, मंदिर पुजारी शैलेन्द्र शर्मा, जितेश शर्मा और उदय शंकर सहित गणमान्य लोग उपस्थित रहे ।
केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय नई दिल्ली के तत्वावधान में परागपुर के निकटवर्ती बलाहर स्थित वेदव्यास परिसर में "संगणक(कंप्यूटर) प्रतिभा खोज प्रतियोगिता" का आयोजन किया गया। जिसमें परिसर के छात्र-छात्राओं ने बढ़ चढ़कर भाग लिया। वेदव्यास परिसर के कंप्यूटर विभागाध्यक्ष अमित वालिया ने बताया कि वेदव्यास परिसर के छात्रों में कंप्यूटर (संगणक) की इस प्रतियोगिता को लेकर काफी उत्साह दिखा व छात्र छात्राओं ने बढ़ चढ़ कर भाग लिया। उन्होंने बताया कि केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय में कंप्यूटर से संबंधित इस तरह की प्रतियोगिता का आयोजन पहली बार हुआ है, जिसमें छात्रों के लिए इनाम भी रखा गया है। वहीं परिसर निदेशक प्रो सत्यम कुमारी ने बताया कि दिल्ली स्थित मुख्यालय के निर्देशानुसार उक्त प्रतियोगिता तीन चरणों में होगी। जिसका एक चरण (राउंड) पूरा कर लिया गया है। इसमें भाग लेने वाले छात्रों में से 10 का सिलेक्शन दूसरे राउंड के लिए किया जाएगा। इसके पश्चात दूसरे राउंड में पहले तीन स्थानों पर रहने वाले विजेता छात्रों को क्रमशः 5000, 4000 और 3000 की नकद राशि बतौर पुरस्कार दी जाएगी। उसके बाद दिल्ली में फाइनल राउंड का आयोजन होगा, जिसमें पहले स्थान पर रहने वाले छात्र को 20,000, द्वितीय को 15000 और तृतीय स्थान पर रहने वाले को 11000 रुपए की राशि का नकद पुरस्कार दिया जाएगा। वहीं परिसर के कंप्यूटर विभाग अध्यक्ष व इस प्रतियोगिता के परिसर संयोजक अमित वालिया व सह संयोजक अमर चंद ने इस प्रतियोगिता के सफल आयोजन हेतु परिसर निदेशक प्रो सत्यम कुमारी का धन्यवाद किया है। वहीं उन्होंने केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो श्रीनिवास बरखेड़ी का भी तहे दिल से धन्यवाद किया है जिन्होंने कंप्यूटर से संबंधित इस प्रतियोगिता हेतु विश्वविद्यालय के समस्त परिसरों व महाविद्यालयों को स्वीकृति प्रदान की। वहीं उन्होंने आशा जताई है कि भविष्य में भी इस तरह के आयोजन परिसर में समय-समय पर होते रहेंगे।
कुनिहार में जोगिंदरा सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक के निदेशक मंडल के चुनाव सम्पन्न हुए। जिसमें 51 मतदाताओं ने चुनाव में हिस्सा लिया और अपने मत का प्रयोग किया। इस चुनाव में कांग्रेस समर्थित उम्मीदवार रोशन लाल ने 26 मत लेकर जीत हासिल की। वहीं पूर्व निदेशक किरण कोंडल 17 मत लेकर दूसरे स्थान पर रही। अजीत सिंह 8 मत लेकर तीसरे स्थान पर रहे। इस बार के चुनावों में कुनिहार क्षेत्र में भाजपा और कांग्रेस के उम्मीदवारों के बीच सीधी टक्कर देखने को मिली। कुनिहार वार्ड के चुनाव अधिकारी राकेश ठाकुर ने बताया कि इस वार्ड में 51 मतदाताओं ने चुनाव में हिस्सा लिया तथा शत प्रतिशत चुनाव हुआ।
लखदाता युवा दंगल कमेटी द्वारा आगामी 12 व 13 सितंबर को भव्य महा दंगल का आयोजन मेन बाजार सुनहेत में किया जा रहा है। इस दंगल में प्रदेश ही नहीं, बल्कि पड़ोसी राज्यों के भी नामी-गिरामी पहलवान अपने दमखम का जोर दिखाने पहुंचेंगे। मेला कमेटी के सदस्यों ने जानकारी देते हुए बताया कि इस बार दंगल के सभी मुक़ाबले बहुत ही रोचक रहने वाले है। कमेटी का कहना है कि मेले का मुख्य आकर्षण यह दंगल होगा, जिसमें पहलवान अपनी परंपरागत कुश्ती कला का शानदार प्रदर्शन करेंगे। आयोजन समिति ने स्थानीय लोगों व खेल प्रेमियों से अधिक से अधिक संख्या में मेले में पहुंचकर इस पारंपरिक खेल को बढ़ावा देने की अपील की है। वहीं कमेटी सदस्यों ने कहा मेले के खिलाफ अफवाहें फैलाई जा रही है कि मेला स्थगित या कैंसल हो गया है पर ऐसा कुछ नहीं है 12 व 13 सितंबर को हर्षोल्लास के साथ मेले का आयोजन होगा। कमेटी ने बताया इस बार लड़कियों की कुश्ती का आयोजन भी किया जा रहा है।
साईं इंटरनेशनल स्कूल में नर्सरी और के.जी. कक्षाओं के लिए सिस प्रिंस और प्रिंसेस प्रतियोगिता का आयोजन बड़े उत्साह और जोश के साथ किया गया। सभी बच्चों ने प्रतियोगिता के लिए पूरी तैयारी की और सामान्य ज्ञान पर आधारित प्रश्नों का उत्तर देने में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। बच्चों का आत्मविश्वास, प्रस्तुतीकरण कौशल और सक्रिय भागीदारी देखकर सभी शिक्षकों और अभिभावकों को गर्व हुआ। प्रतियोगिता का उद्देश्य बच्चों में नेतृत्व क्षमता, सोचने की शक्ति और टीम भावना को बढ़ावा देना था। नर्सरी ए से विदित वर्मा और तश्वी चौहान, नर्सरी बी से ध्रुव और आरवी ठाकुर, तथा के.जी. से श्रियांश शर्मा और श्रेया शर्मा को क्रमशः सिस प्रिंस और प्रिंसेस चुना गया। साथ ही प्रथम रनर अप में पृथक्शित सिवाल, प्रिशा ठाकुर, वैभव गुरु नाया, रावी, आयुष्मान पुरी और साक्षी शर्मा का भी शानदार प्रदर्शन रहा। सभी विजेताओं को हार्दिक बधाई और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ।
विकास खंड पट्टा के चंडी मेहलोग के छोटे से गाँव बाउंटडा की डॉक्टर नेहा चौहान ने डॉक्टर बनकर अपने परिवार के साथ पंचायत का भी नाम रोशन किया है। नेहा ने बताया कि मार्च 2025 में सर्विस कमीशन द्वारा आयोजित टेस्ट को उतीर्ण करने के बाद उन्होंने यह नियुक्ति पाई है। नेहा ने जमा दो स्तर की परीक्षा राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय चंडी से बहुत अच्छे अंको में उतीर्ण की। इसके पश्चात 2017 में नीट की परीक्षा उतीर्ण करके मेडिकल कॉलेज नाहन एम बी बी एस प्रथम वर्ष में प्रवेश मिला। कड़ी मेहनत से नेहा ने 2023 में एम बी बी एस की परीक्षा भी अच्छे अंको से उतीर्ण की। इसके पश्चात इसी मेडिकल कालेज में कॉन्ट्रैक्ट के आधार पर एक वर्ष तक सेवा का मौका मिला। नवंबर 2024 से सितंबर 25 तक रोपड़ पंजाब में सपेहरुल्स फाउंडेशन में सेवा की। नेहा की माता मीना गृहणी है जबकि पिता मनसा राम चौहान पंजाब नेशनल बैंक में बतौर मैनेजर कार्यरत है। नेहा की बहन आईआइटी रोपड़ पंजाब में पीएच डी कर रही है और भाई चंडीगढ़ में अपनी स्नातकोत्तर की शिक्षा ग्रहण कर रहा है। नेहा इसी सप्ताह हरिपुर साहिब में अपनी ड्यूटी जॉइन कर लेगी। नेहा ने बताया कि वह पूरी ईमानदारी व लग्न से लोगों की सेवा करेगी। गंभीर मरीजों के लिए वह हर समय उपलब्ध रहेगी।
हिमाचल प्रदेश में प्राकृतिक आपदाओं का कहर जारी है। कुल्लू जिले में आधी रात को एक घर भूस्खलन की चपेट में आ गया। भूस्खलन की चपेट में आने से मकान मलबे में तब्दील हो गया। मकान के अंदर सो रहे एक परिवार के 4 लोगों की मौत हो गई 3 लोग सुरक्षित है जबकि एक व्यक्ति लापता है आज भी हिमाचल प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में बारिश के आसार हैं, हालांकि 14 सितंबर तक कोई भी अलर्ट नहीं है। जानकारी के अनुसार, कुल्लू के निरमण्ड खंड की घाटू पंचायत के शमानी गांव में देर रात भूस्खलन से बड़ा हादसा हुआ। मकान मलबे की चपेट में आ गया। मकान में एक ही परिवार के आठ लोग सो रहे थे। इनमें से तीन को सुरक्षित निकाल लिया गया, 4 लोगों की मौत हो गई और 1 व्यक्ति के मलबे में दबे होने की आशंका है। साथ ही कुल्लू जिले में रविवार रात को करीब दो घंटे और सोमवार शाम को बारिश हुई। इससे जिले की सड़कों को सुचारु करने के कार्य में खलल पड़ा। एनएचएआई ने हाईवे-305 को लारजी से बंजार तक छोटे वाहनों के लिए बहाल कर दिया है। इसके अलावा यहां एयरटेल की मोबाइल सेवा को भी रिस्टोर कर दिया है। चंबा जिले में भरमौर-पठानकोट हाईवे दो सप्ताह के बाद छोटी गाड़ियों के लिए बहाल हो गया। वहीं हमीरपुर में दिनभर रुक-रुक कर बारिश हुई। कांगड़ा जिले में सोमवार सुबह मौसम साफ रहा और दोपहर बाद धर्मशाला सहित जिले के विभिन्न क्षेत्रों में मूसलाधार बारिश हुई। सुबह के समय मौसम साफ रहने के चलते गगल एयरपोर्ट पर सभी उड़ानें समय पर पहुंचीं। राजधानी शिमला में दोपहर को बूंदाबांदी हुई। तापमान में कमी दर्ज होने से सुबह और शाम के समय मौसम में ठंडक बढ़ गई है।
राम लीला जन कल्याण समिति कुनिहार की एक विशेष बैठक समिति अध्यक्ष रितेश जोशी की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में दो दिवसीय दशहरा उत्सव मनाने को लेकर सहमति बनी। यह दशहरा उत्सव 2 व 3 अक्टूबर को आयोजित होगा। उत्सव को लेकर श्री राम लीला जन कल्याण समिति तैयारियों को अंतिम रूप देने लग गई है। उत्सव की जानकारी देते हुए समिति के अध्यक्ष ने बताया कि इस वर्ष रावण का पुतला विशेष आकर्षण का केंद्र रहेगा इसके साथ ही मिस्टर कुनिहार व मिस कुनिहार की प्रतियोगिता भी दशहरे का मुख्य आकर्षण रहेगी। वही सांस्कृतिक कार्यक्रमों में कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने बताया कि दशहरे के दिन उत्सव की शुरुआत पूजा अर्चना के साथ होगी उसके बाद दिन में स्कूली बच्चों के सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। वहीं रात्रि कार्यक्रम की प्रथम सांस्कृतिक संध्या में पंजाबी, बॉलीवुड हिमाचल के नामी कलाकार लोगों का मनोरंजन करेंगे। वही संध्या में कॉमेडियन भी अपनी कला का जादू बिखेरेंगे । लोगों के मनोरंजन के लिए बड़े बड़े झूले व ऊंट की सवारी आकर्षण का केंद्र रहेगी। वहीं सूर्यास्त के साथ ही बुराई पर अच्छाई के प्रतीक रावण के विशाल पुतले का दहन किया जाएगा । उन्होंने बताया कि दस सिरों वाले रावण का विशाल पुतला लोगों के लिए मुख्य आकर्षण रहेगा । वही इस बार मेले में विभिन्न विभागों व स्वयं सहायता समूह की प्रदर्शनी भी लगेगी, बेबी शो,फुटबॉल,कबड्डी, बैडमिंटन व घड़ा फोड़ प्रतियोगिता का आयोजन भी होगा। मेले के दूसरे दिन 3 अक्टूबर को कमेटी द्वारा दान का दान ईनाम का ईनाम के तहत लकी ड्रा निकाला जाएगा । दूसरी संध्या में प्रसिद्ध पहाड़ी गायक अपना कार्यक्रम प्रस्तुत करेंगे। उन्होंने बताया कि दो दिवसीय दशहरा उत्सव को सफल बनाने के लिए समिति के सभी सदस्य एक जुट होकर कार्य कर रहे हैं। वही बैठक में श्री राम लीला जन कल्याण समिति के सभी सदस्यों ने भाग लिया।
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले के कोटली उपमंडल में सड़क हादसे में दो लोगों की मौत हो गई और एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। यह हादसा कोटली-कून सड़क पर द्रुबल पंचायत के अलग गांव के पास हुआ। एक टाटा सूमो गाड़ी अनियंत्रित होकर सड़क से करीब 40 फीट नीचे खाई में गिर गई, जिससे यह बड़ा हादसा हुआ। प्राप्त जानकारी के अनुसार, टाटा सूमो कोटली से कून गांव की ओर जा रही थी, जिसमें चालक सहित तीन लोग सवार थे। अचानक, गाड़ी अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे एक घर के पास बने शौचालय के पास जा रुकी। इस हादसे में गाड़ी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे के तुरंत बाद, स्थानीय लोगों और द्रुबल पंचायत की प्रधान रेखा ठाकुर ने राहत और बचाव कार्य शुरू किया। 108 एंबुलेंस की मदद से सभी घायलों को कोटली अस्पताल पहुंचाया गया। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने गाड़ी के चालक 48 वर्षीय पवन कुमार पुत्र सुधामा राम निवासी कून को मृत घोषित कर दिया। वहीं, हादसे में घायल पवन कुमार की पत्नी रमा देवी और अच्छर सिंह गांव बड़ू को गंभीर हालत में मंडी के जोनल अस्पताल रेफर किया गया। लेकिन दुर्भाग्यवश, मंडी अस्पताल में उपचार के दौरान अच्छर सिंह ने भी दम तोड़ दिया। घायल महिला रमा देवी की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए एम्स बिलासपुर भेजा गया है। एसपी मंडी साक्षी वर्मा ने इस घटना की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है और मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है। द्रुबल पंचायत की प्रधान रेखा ठाकुर ने बताया कि यह घटना बेहद दुखद है। उन्होंने कहा कि जैसे ही उन्हें हादसे की सूचना मिली, वे तुरंत मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को अस्पताल पहुंचाने का प्रयास किया। उन्होंने बताया कि यह लोग अपने घर की ओर जा रहे थे, लेकिन रास्ते में यह दुखद हादसा हो गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आगे की कार्रवाई कर रही है।
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) ने जुलाई 2025 सत्र के लिए पुनः पंजीकरण की तिथि 15 सितंबर 2025 तक बढ़ा दी है। अब विद्यार्थी 15 सितंबर तक पंजीकरण या पुनः पंजीकरण के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। राजकीय महाविद्यालय करसोग स्थित इग्नू अध्ययन केंद्र (कोड 1138) के समन्वयक डॉ. कुलभूषण शर्मा ने बताया कि वे विद्यार्थी जो पूर्व में इग्नू से जुड़े हैं किन्तु आगामी शैक्षणिक सत्र के लिए पंजीकरण नहीं कर पाए थे, वे भी इस विस्तारित तिथि तक पंजीकरण की प्रक्रिया पूर्ण कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि नए अभ्यर्थियों के लिए भी यह अवसर उपलब्ध है और वे स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा और सर्टिफिकेट पाठ्यक्रमों जैसे कि बीए, बीकॉम, बीएससी, एमए, एमकॉम, एमबीए, आदि में प्रवेश हेतु आवेदन कर सकते हैं। पुनः पंजीकरण प्रक्रिया के लिए छात्र इग्नू की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं।
भारी बारिश से बाढ़ और भूस्खलन की वजह से हिमाचल की स्थिति अभी भी ख़राब बनी हुई है। प्रदेशभर में कल शनिवार को अधिकतर जगहों पर मौसम साफ था। कुछ जगहों पर हल्की वर्षा हुई। कई जगहों पर सड़कें बाधित होने की वजह से आम लोगों को तो आवाजाही में दिक़्कत हो रही है, साथ ही किसानों को भी मंडियों तक फसल पहुंचाने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। अभी हिमाचल में सेब का सीजन जोरों पर है और सड़क ठप होने के चलते रास्ते में ही सेब लदे वाहन खड़े हैं और वाहनों में ही सेब ख़राब हो रहे हैं। प्रदेश में कई ट्रांसफार्मर और पेयजल योजनाएं भी ठप हैं, जिसकी वजह से आम लोगों को बिजली-पानी की समस्या से भी जूझना पड़ रहा है। इसी बीच मौसम विभाग ने राहत भरी खबर सुनाई है। विभाग ने 12 सितम्बर तक मौसम साफ़ रहने की सम्भावना जताई है। हालांकि प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की बारिश जरूर हो सकती है। सड़कें, पेयजल योजनाएं ठप और लोगों की गई जान प्रदेश में कुल 897 सड़कें बंद है। 1497 ट्रांसफार्मर और 388 पेयजल योजनाएं भी बाधित हैं। किन्नौर में NH-5 आठवें दिन भी बाधित रहा। वहीं कांगड़ा में पौंग बांध का जो जलस्तर है वो भी खतरे के निशान से ऊपर आ चुका है। इस मानसून में राज्य में अभी तक बारिश, बाढ़, लैंडस्लाइड की वजह से करीब 366 लोगों की मृत्यु हो चुकी है। वहीं सरकार को अभी तक करीब 4 लाख करोड़ की प्रॉपर्टी की क्षति हुई है।
कुठाड़ के बनलगी में श्री मंगला माता मंदिर परिसर में 15 सितंबर को जिला पेंशनर एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन की जिला संघर्ष समिति द्वारा आयोजित की जाने वाली विशाल जन सभा में जिला के समस्त पेंशनर भाग लेंगे। जानकारी देते हुए जिला मीडिया प्रभारी डी डी कश्यप ने बताया कि यह जनसभा पहले 3 सितंबर को निश्चित की गई थी लेकिन भारी बरसात और मौसम की चेतावनी को देखते हुए इसे स्थगित कर दिया गया था अब यह जनसभा 15 सितंबर को बनलगी में ही आयोजित होगी। जिला संघर्ष समिति के अध्यक्ष के. डी. शर्मा तथा महासचिव जगदीश पंवर ने संयुक्त रूप से जिला कार्यकारिणी के सभी पदाधिकारियों, जिला के सभी यूनियन प्रमुखों, तथा संबंधित सभी संगठनों के पदाधिकारियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पहुँचकर इस जनसभा को सफल बनाएं। इसके अतिरिक्त समिति के उपाध्यक्ष तथा पुलिस कल्याण समिति के पूर्व सलाहकार धनीराम तनवर से भी आग्रह किया गया है कि वे अपने पुलिस कार्यकारिणी के साथ 15 सितम्बर 2025 को इस जनसभा में सम्मिलित हों।
शिमला, कुनिहार के एक छोटे से गांव कंडा से निकले डॉ. राजीव चौहान अब पीजीआई में एडवांस्ड न्यूरोसाइंस सेंटर के अतिरिक्त चिकित्सा अधीक्षक के रूप में अपनी सेवाएं देंगे। बता दे की उन्होंने वर्ष 2002 में आईजीएमसी शिमला से एमबीबीएस और वर्ष 2011 में पीजीआई चंडीगढ़ से एनेस्थीसिया में एमडी की उपाधि प्राप्त की थी। साथ ही वर्ष 2017 में उन्होंने पीजीआई चंडीगढ़ से डीएम न्यूरो एनेस्थीसिया की डिग्री प्राप्त की। तब से वे पीजीआई चंडीगढ़ के एनेस्थीसिया विभाग में अतिरिक्त प्रोफेसर के रूप में कार्यरत हैं और ऊना में पीजीआई के आगामी सैटेलाइट सेंटर के नोडल अधिकारी हैं। अब उन्हें पीजीआई के योग्य निदेशक डॉ. लाल द्वारा नई जिम्मेदारी सौंपी गई है और आगामी एडवांस्ड न्यूरोसाइंस सेंटर के अतिरिक्त चिकित्सा अधीक्षक के रूप में नियुक्त किया गया है।
राज्यसभा सांसद हर्ष महाजन ने कहा कि उन्होंने दिनांक 31 दिसम्बर 2024 को मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू को पत्र लिखकर पवित्र मणिमहेश यात्रा के इंतज़ामों के बारे में पहले ही चेताया था। इसके बावजूद समय रहते आवश्यक इंतजाम नहीं किए गए। उन्होंने आरोप लगाया कि यदि सरकार ने समय रहते आवश्यक तैयारियाँ की होतीं तो आज श्रद्धालुओं को इस आपदा और कठिनाइयों का सामना न करना पड़ता। उन्होंने कहा कि मणिमहेश एक पवित्र तीर्थ स्थल है और पूरे भारत वर्ष से लाखों श्रद्धालु दर्शन एंव स्नान के लिए यहां आते हैं। लेकिन बग्गा से भरमौर के बीच संकरी सड़क होने के कारण दर्शनार्थियों को 14 से 15 घंटे जाम का सामना करना पड़ता है। यही हाल बग्गा से हड़सर के आगे पैदल मार्ग का भी है। श्रद्धालु हड़सर तक ही मोटर वाहन से आ सकते है। लेकिन, इसके आगे श्रद्धालु यात्रियों को पैदल मार्ग का ही रूख करना पड़ता है। रास्ता खराब होने के कारण भारी भीड़ होने से चम्बा प्रशासन की प्रबंधकीय व्यवस्था भी चरमरा गई है। इन समस्याओं को ध्यान में रखते हुए भरमौर से हड़सर के बीच गाड़ी पार्किंग करने के लिए स्थान चिन्हित कर बहुमंजिला पार्किंग के साथ-साथ सराय भवन, रैन बसेरा इत्यादि निर्माण की भी आवश्यकता है। इससे दर्शनार्थियों के लिए यात्रा भी सुगम होगी, और चम्बा जिला अति पिछड़ा होने के कारण यहाँ के स्थानीय बेरोजगार लोगों को रोजगार के अवसर भी प्रदान होगें। साथ ही सांसद हर्ष महाजन ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि इस संबंध में आवश्यक कार्यवाही की जाए, ताकि आगामी वर्ष 2025 में होने वाली पवित्र मणिमहेश यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं को सुविधा मिल सके। लेकिन दुर्भाग्यवश मुख्यमंत्री को पत्र लिखने के बावजूद इस पर कोई कार्यवाही नहीं की गई। जिसका असर स्थानीय लोगों के साथ-साथ बाहर से पवित्र मणिमहेश के दर्शन करने पहुंचे यात्रियों पर भी पड़ा अब सांसद हर्ष महाजन ने एक बार फिर प्रदेश सरकार से आग्रह किया कि भविष्य में ऐसी परिस्थितियों से बचने के लिए समय रहते ठोस कदम उठाए जाएँ, ताकि श्रद्धालुओं की आस्था और सुरक्षा सुनिश्चित हो सके | महाजन ने पत्र में उल्लेख किया है कि मणिमहेश यात्रा देश के प्रमुख तीर्थ स्थलों में से एक है, जहाँ प्रतिवर्ष लाखों श्रद्धालु दर्शन एवं स्नान के लिए पहुँचते हैं। यात्रा के दौरान संकरी सड़कों के कारण श्रद्धालुओं को 14–15 घंटे तक जाम का सामना करना पड़ता है। हेलिकॉप्टर सेवा के अलावा श्रद्धालुओं को हडसर तक मोटर मार्ग और उसके आगे पैदल मार्ग से यात्रा करनी पड़ती है, लेकिन खराब रास्तों और प्रशासनिक अव्यवस्था के कारण यात्रियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
हिमाचल के युवा अभिनेता एकलव्य सूद ने संघर्षों से लड़कर अब मुंबई फिल्म इंडस्ट्री में कदम जमा लिए हैं। लंबे समय तक कठिनाइयों और संघर्ष का सामना करने के बाद एकलव्य को बड़ी सफलता मिली है। एकलव्य सूद मशहूर फिल्म निमार्ता विवेक अग्निहोत्री की आने वाली फिल्म द बंगाल फाइल्स में बतौर अभिनेता नजर आने वाले हैं। उनकी इस उपलब्धि से हिमाचल में खुशी की लहर है। बता दें कि एकलव्य सूद ने सबसे पहले फिल्मों में असिस्टेंट डायरेक्टर के तौर पर काम शुरू किया और धीरे-धीरे अभिनय और लेखन में भी सक्रिय हो गए। जहां हिमाचल की वादियों में शूट की गई उनकी पहली स्वतंत्र फिल्म ट्रैक टु नैवरलैंड ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 13 अवॉर्ड्स जीते, जिनमें 5 बेस्ट एक्टर अवॉर्ड भी शामिल हैं। इसके बाद उन्हें पहला बड़ा मौका सोनी लीव की वेब सीरीज रायसिंघानी में मिला, जहाँ उन्होंने जेनिफर विंगेट, करण वाही और रीम शेख जैसे कलाकारों के साथ काम किया। अभिनेता एकलव्य सूद की माता प्रदेश की उपाध्यक्ष है। जोकि महिला मोर्चा की राज्य अध्यक्ष रह चुकी है। रश्मि धर सूद का कहना है कि यह मुकाम पाना उनके बेटे के लिए आसान नहीं था। लेकिन जुनून, कड़ी मेहनत और अपने सपनों पर भरोसे ने उन्हें इस मुकाम तक पहुँचाया है, और हिमाचल का नाम भी रोशन किया है। रश्मि सूद ने सभी प्रदेशवासियों से फिल्म देखने की अपील की। हिमाचल प्रदेश के रहने वाले एकलव्य सूद ने अपने अभिनय का सफ़र बहुत छोटी उम्र से ही थिएटर में शौक़िया तौर पर शुरू किया। पढ़ाई शिमला के प्रतिष्ठित बिशप कॉटन स्कूल से हुई, जहाँ उन्होंने कई नाटकों में अभिनय किया। कॉलेज के बाद उन्होंने पेशेवर थिएटर का रुख़ किया और उन्हें दो बार शिमला के ऐतिहासिक गेयटी थियेटर के मंच पर प्रदर्शन करने का अवसर मिला। एकलव्य सूद, भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष रश्मि धर सूद के सुपुत्र हैं। परिवार से मिले संस्कारों और समर्थन ने उन्हें अपने सपनों को पूरा करने की प्रेरणा दी।इसके बाद एकलव्य ने पुणे के एफटीआईआई से फिल्म एप्रीसिएशन कोर्स किया और फिर मुंबई का रुख़ किया। अभिनेता एकलव्य सूद ने अपनी आने वाली फ़िल्म द बंगाल फ़ाइल्स में एक महत्वपूर्ण किरदार निभाया है। वह अमरजीत अरोड़ा का रोल कर रहे हैं — एक सिख जो 1930 के दशक में कोलकाता आया और 1940 के दशक में रेड क्रॉस से जुड़ गया। अमरजीत एक योद्धा की तरह जीवन जीता है, जो गुरु गोबिंद सिंह जी की उस सीख को मानता है कि जब जीवन पर संकट आए तो संघर्ष करना ही धर्म है। द अमरजीत का किरदार इस जज़्बे और जद्दोजहद का प्रतीक है। एकलव्य सूद ने दैनिक सवेरा से बात करते हुए कहा कि यह भूमिका उनके लिए बेहद खास है क्योंकि इसमें न केवल अभिनय की चुनौती थी, बल्कि इतिहास और मानवीय संवेदनाओं को समझने का अवसर भी मिला । हिमाचल की मिट्टी से जुड़े एकलव्य सूद आज अभिनय की दुनिया में अपनी अलग पहचान बना रहे हैं और आने वाले समय में उनसे और भी बड़े कामों की उम्मीद की जा रही है।
राज्यसभा सांसद हर्ष महाजन ने आज केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी को पत्र लिखकर हिमाचल प्रदेश में हाल ही में हुई भूस्खलन एवं भीषण वर्षा से उत्पन्न आपदा के चलते राष्ट्रीय एवं राज्यीय राजमार्गों की गंभीर स्थिति की ओर ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने अपने पत्र में उल्लेख किया कि प्राकृतिक आपदा ने जनजीवन को गहरे संकट में डालने के साथ-साथ सड़कों की स्थिति भी अत्यंत खराब और खतरनाक बना दी है। अनेक मार्ग टूट-फूट, धंसने और अवरुद्ध हिस्सों के कारण परिवहन योग्य नहीं रहे हैं, जिससे स्थानीय निवासियों के साथ-साथ पर्यटन, व्यापार एवं आपूर्ति श्रृंखला भी प्रभावित हुई है। इन सड़कों की त्वरित मरम्मत एवं पुनर्निर्माण राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के माध्यम से सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है। उन्होंने यह भी आग्रह किया कि NHAI अधिकारियों की नियमित उपस्थिति एवं जवाबदेही सुनिश्चित की जाए। स्थानीय स्टाफ की संख्या बढ़ाई जाए। एक उच्चस्तरीय समिति का गठन किया जाए, जो समय-समय पर स्थलीय निरीक्षण कर मरम्मत एवं पुनर्निर्माण कार्य की निगरानी करे। साथ ही उन्होंने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से स्वयं हिमाचल प्रदेश का दौरा करने का आग्रह किया और आपदा से प्रभावित सड़कों का प्रत्यक्ष अवलोकन कर स्थानीय आवश्यकताओं का मूल्यांकन करने को कहा। सांसद महाजन ने विश्वास व्यक्त किया कि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के हस्तक्षेप एवं मार्गदर्शन से हिमाचल प्रदेश की सड़क व्यवस्था शीघ्र सामान्य स्थिति में लौटेगी तथा प्रदेश की आर्थिक एवं सामाजिक गतिविधियाँ पुनः गति प्राप्त करेंगी
भारत मंडपम, प्रगति मैदान में आयोजित एक दिवसीय राउंड टेबल कॉन्फ्रेंस एवं संवाद कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश के ग्रामीण विकास मंत्री Anirudh Singh तथा ग्रामीण विकास विभाग के निदेशक राघव शर्मा ने भाग लिया। यह कार्यक्रम स्वच्छ भारत मिशन-ग्रामीण (SBM-G) फेज-III के आगामी दिशा-निर्देशों को लेकर केंद्र और राज्यों के बीच विचार-विमर्श हेतु आयोजित किया गया था। सम्मेलन में मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने हिमाचल प्रदेश की ओर से कई महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए, जिनमें ग्रामीण क्षेत्रों में जनभागीदारी को बढ़ावा देने, निगरानी तंत्र को मजबूत करने तथा दीर्घकालिक स्वच्छता ढांचे को सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया। वहीं, निदेशक राघव शर्मा ने जिला कांगड़ा के धर्मशाला ब्लॉक में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (SWM) के क्षेत्र में अपनाई गई श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों को साझा किया। उन्होंने बताया कि किस प्रकार स्थानीय समुदाय की भागीदारी, विकेन्द्रीकृत कचरा संग्रहण प्रणाली और पुनः उपयोग की पहल ने क्षेत्र में स्वच्छता और जनस्वास्थ्य के स्तर को बेहतर बनाया है। हिमाचल प्रदेश की प्रस्तुतियां सम्मेलन में सराही गईं और उम्मीद जताई गई कि ये सुझाव SBM-G फेज-III के संशोधित दिशा-निर्देशों में शामिल किए जाएंगे।
बुधवार को पुलिस थाना मनाली की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर वोल्वो बस स्टैण्ड, मनाली में एक गाड़ी नं. PB 18U 8718 I 20 की नियमानुसार तलाशी ली। तलाशी के दौरान गाड़ी में सवार व्यक्तियों के कब्जे से कुल 258.750 ग्राम चिट्टा तथा एक पीस्टल मार्का KGF MADE IN USA PISTAL व दो जिन्दा रौन्द व मैगजीन बरामद किए गए हैं इस मामले में आरोपी संजय कुमार (40 वर्ष) पुत्र धनी राम निवासी गांव व डाकघऱ सिद्धपुर तहसील धर्मपुर जिला मण्डी, हरमोहित दीपसिह (22 वर्ष) पुत्र सरवजीत सिंह निवासी गांव जहादपुर डाकघऱ जतोसरजा तहसील वटाला जिला गुरदासपुर पंजाब, कृष्णा सिंह (29 वर्ष) पुत्र भोला सिंह निवासी गांव खगोल डाकघऱ दानापुर तहसील व जिला पटना बिहार हाल हजारा जालन्धर पंजाब, मंदीप सिंह (30 वर्ष) पुत्र सुखविन्द्र सिंह निवासी गांव जहादपुर डाकघर जतोसरजा तहसील बटाला जिला गुरदासपुर पंजाब को गिरफ्तार किया। इस संदर्भ में पुलिस थाना मनाली में धारा 21, 25, 29 मादक पदार्थ अधिनियम व धारा 25 शस्त्र अधिनियम के तहत अभियोग पंजीकृत करके नियमानुसार कार्यवाही करने के उपरांत बरामद नशे की खरीद फ़रोखत का पता लगाया जा रहा है। अभियोग मे आगामी अन्वेशन जारी है ।
विकास खण्ड कुनिहार के गांव बानी के 76 वर्षीय पूर्व ए एस आई गोपाल सिंह का मंगलवार शाम उनके घर गांव बानी में निधन हो गया। जिससे परिवार सहित पुलिस पेंशनरों व पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। गोपाल सिंह कुछ समय से अस्वस्थ चल रहे थे। आज भारी बारिश के बीच चिसवा के श्मशान घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया। जहां कुनिहार थाना से पहुंचे विभागीय कर्मचारियों ने उन्हें अंतिम सम्मान के साथ विदा किया। विभागीय कर्मचारियों ने उनके देह पर शॉल व पुष्प अर्पित कर उन्हें अंतिम विदाई दी। धनीराम तनवर संयोजक एवं वरिष्ठ मुख्य सलाहकार पुलिस पेंशनर वेलफेयर एसोसिएशन जिला सोलन व अन्य पुलिस पेंशनरों ने गोपाल सिंह के निधन पर दुख व्यक्त किया। धनीराम तनवर ने कहा कि हम सभी पेंशनर गोपल सिंह की आत्मा की शांति व परिवार को इस दुख को सहन करने की शक्ति देने की भगवान से प्रार्थना करते हैं। उन्होंने कहा कि गोपाल सिंह 1974 में पुलिस में भर्ती हुए थे और विभाग में अपनी 33 वर्षों की सेवाओं के बाद 2007 में ए एस आई के पद से रिटायर होकर घर आए थे। धनीराम तनवर ने सभी पेंशनरों की तरफ से एस पी सोलन, डी एस पी व एस एच ओ कुनिहार सहित पुलिस कर्मचारियों का पूर्व पुलिस कर्मचारी के निधन पर अंतिम सम्मान प्रदान करने के लिए आभार व्यक्त किया है।
हिमाचल में भारी बारिश के चलते शिक्षण संस्थान बंद रहेंगे। लगातार बारिश से पहाड़ दरक रहे हैं, मकान जमीदोज हो रहे हैं और यातायात में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। माैसम के कहर से राज्य में जनजीवन बुरी तरह प्रभावित है।सैकड़ों सड़कें बंद हैं, ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली-पानी की आपूर्ति ठप हो गई है। राज्य में सात नेशनल हाईवे सहित 1162 सड़कें बंद हैं। 2477 बिजली ट्रांसफार्मर व 720 जल आपूर्ति योजनाएं ठप हैं। कुल्लू जिले में 204, मंडी 282, शिमला 234, सिरमाैर 137, सोलन 92, कांगड़ा 60, लाहाैल-स्पीति 48 व चंबा जिले में 100 से अधिक सड़कें बाधित हैं। इस बीच प्रदेश के चार जिलों, कांगड़ा, मंडी, सिरमौर और किन्नौर के कुछ स्थानों पर बुधवार को भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, ऊना और बिलासपुर के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। अन्य जिलों में भी बारिश होने की सम्भावना हैं। आठ सितंबर तक मौसम खराब बना रहने का पूर्वानुमान है। मौसम विभाग की चेतावनी को मद्देनजर रखते शिमला, सोलन, सिरमौर, कांगड़ा, बिलासपुर और कुल्लू में बुधवार को भी शिक्षण संस्थान बंद रहे। मंडी जिले में भी धर्मपुर, कोटली, पधर, सरकाघाट, बल्ह, करसोग, बालीचौकी, सुंदरनगर, थुनाग, गोहर उपमंडल में शिक्षण संस्थान बंद रहे।
विश्व प्रसिद्ध शक्तिपीठ श्री ज्वालामुखी मंदिर में 22 सितंबर से शारदीय अश्विन नवरात्र शुरू होने जा रहे हैं, जो दो अक्तूबर तक चलेंगे। नवरात्रों का विधिवत पूजा-अर्चना और झंडा रस्म के साथ आगाज होगा। मंदिर में नौ दिन तक चलने वाले मेलों के दौरान इस बार 70 अतिरिक्त अस्थायी कर्मी तैनात रहेंगे। वहीं, 60 अतिरिक्त सफाई कर्मी शहर और मंदिर की सफाई व्यवस्था संभालेंगे। नवरात्र में मंदिर के गर्भ गृह में नारियल ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। ज्वाला ज्योतियों का लाइव दर्शन शहर और मंदिर में लगी एलईडी पर लगातार होता रहेगा। सुरक्षा दृष्टि से अतिरिक्त 100 होमगार्ड, पुलिस जवान और एक्स सर्विसमैन चप्पे-चप्पे पर पहरा देंगे। मंदिर कर्मचारियों, मेला ड्यूटी पर अस्थायी कर्मचारियों और अधिकारियों को पहचान पत्र जारी किए जाएंगे। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मुंडन स्थल का विशेष प्रबंध किया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से मेलों में निशुल्क स्वास्थ्य शिविर लगाया जाएगा। लाइनों में लगे श्रद्धालुओं को पेयजल सुविधा के लिए अलग से व्यवस्था की जाएगी। तीन समय के भोजन की लंगर व्यवस्था रहेगी। मंदिर को रंग-बिरंगे फूलों और सजावटी लड़ियों से सजाया जाएगा। शहर में लगाए जाने वाले लंगरों और सभी प्रकार की फल और मिठाई की दुकानों पर खाद्य विभाग नजर रखेगा। श्रद्धालुओं की सुरक्षा व असामाजिक तत्वों को पकड़ने के मद्देनजर 80 सीसीटीवी कैमरों के जरिये कंट्रोल रूम से चप्पे-चप्पे पर नजर रहेगी। शहर में कई जगह वैकल्पिक और अतिरिक्त कैमरे स्थापित किए जाएंगे। साथ ही हर श्रद्धालु को मेटल डिटेक्टर से चेकिंग के बाद ही मां के दर्शन के लिए भेजा जाएगा। शहर को सात सेक्टरों में बांटा गया है। चिह्नित स्थानों और शहर के बाहर नादौन, देहरा व कांगड़ा रोड पर बड़ी गाड़ियों की पार्किंग की सुविधा रहेगी। ट्रैफिक व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा। नादौन, कांगड़ा, देहरा मार्ग पर पुलिस की अस्थायी चौकियां रहेंगी। दिव्यांगों को दर्शन के लिए व्हील चेयर का प्रावधान रहेगा। मुख्य मंदिर मार्ग नंबर एक वाहनों के लिए पूर्णतया बंद रहेगा। सड़क के किनारे वाहन पार्क करने पर प्रतिबंध रहेगा। मंदिर से पूरे शहर तक लाउडस्पीकर सूचना के लिए स्थापित किए गए हैं। ढोल नगाड़ों, विस्फोटक पदार्थ, आग्नेय शस्त्रों पर प्रतिबंध रहेगा।
प्रदेश सरकार ने हिमाचल प्रदेश राजपूत कल्याण बोर्ड में नए सदस्यों की नियुक्ति की है, जिसमें धर्मपुर क्षेत्र से तीन चेहरों को जगह मिली है। इनमें पूर्व ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष प्रकाश चंद, पूर्व युवा कांग्रेस अध्यक्ष रितेश ठाकुर और लंगेहड़ पंचायत के प्रधान संजय ठाकुर शामिल हैं। इन नियुक्तियों को लेकर धर्मपुर के कांग्रेसियों में ख़ुशी का माहौल है, उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू और धर्मपुर से विधायक चंद्रशेखर का आभार जताया। स्थानीय स्तर पर इसे धर्मपुर के लिए सम्मानजनक उपलब्धि माना जा रहा है। लोगों का कहना है कि इससे क्षेत्र के राजपूत समाज की आवाज़ प्रदेश स्तर तक पहुँचेगी और समाजहित से जुड़े मुद्दों को और मजबूती से उठाया जा सकेगा। राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि धर्मपुर के इन नेताओं की सक्रियता और ज़मीनी पकड़ ने उन्हें यह अवसर दिलाया है।
जिला सोलन कोली समाज कार्यकारिणी के चुनाव 21सितम्बर को कुनिहार में एक निजी होटल के सभागार में करवाए जाएंगे। कार्यकारिणी के वित्त सचिव रूपेंद्र कौशल ने जानकारी देते हुए बताया कि 21 सितम्बर को वर्तमान कार्यकारिणी का तीन वर्षीय कार्यकाल पूरा हो जाएगा इसलिए कार्यकारिणी ने 21 सितम्बर 2025 को ही भविष्य के लिए नई कार्यकारिणी के चुनाव करवाने का निर्णय लिया है। उन्होंने बताया कि 21 सितम्बर को कार्यकारिणी के तीन मुख्य पदों अध्यक्ष, महा सचिव व वित्तसचिव पदो के लिए चुनाव करवाए जाएंगे। जिसके लिए बुधवार 10 सितम्बर सांय 5 बजे तक इच्छुक सदस्य व्यक्तिगत रूप से अपना नामांकन पत्र दाखिल करवा सकते हैं। 12 सितम्बर सायं 5 बजे तक नामांकन पत्र जांच में वैध पाए गए नामों का प्रकाशन किया जाएगा। इसी तरह 19 सितम्बर सांय 5 बजे तक नामांकन वापिस लिए जा सकते हैं। रविवार 21 सितम्बर को सुबह 11 बजे ,स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के पास एक निजी होटल के परिसर में यह चुनाव होंगे। तथा चुनाव के बाद इसी दिन कार्यकारिणी का गठन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि नामांकन के लिए नामांकन पत्र कार्यालय सचिव, जिला सोलन कोली समाज के पास कार्यालय में व वॉट्स अप ग्रुप में उपलब्ध रहेगा।
प्रदेश में हो रही मूसलाधार बारिश ने एक और परिवार को बेघर कर दिया। सोमवार को लगातार हो रही भारी बारिश के चलते दून विधान सभा क्षेत्र के तहत आने वाली ग्राम पंचायत भावगुडी में देर रात दर्दनाक हादसा हो गया। ग्राम पंचायत भावगुडी के गांव समलोह में हेमराज का मकान भारी बारिश के चलते पूरी तरह से ध्वस्त हो गया जिसमें उनकी पत्नी पर मलबा, गिरने से मौत हो गई। हादसे के समय मकान में 7 लोग मौजूद थे जिसमें हेमराज के 4 बच्चे और 85 वर्षीय माता मौजूद थी। मकान गिरने की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और उन्होंने राहत बचाव का कार्य शुरू कर दिया। मकान में रह रहे सभी लोगों को बाहर निकाला गया इस घटना में हेमराज को भी चोटें आई है वहीं उनकी पत्नी हेमलता को पट्टा महलोग सी एच सी अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मकान के साथ घर का सारा सामान भी मलबे में दब गया है, जिससे परिवार को भारी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ा । रात को प्रधान दुर्गावती और पूर्व प्रधान बलदेव सिंह मौके पर पहुंचे । फ़ौरन राहत के तौर पर नायब तहसीलदार सूरत सिंह द्वारा 20,000 हजार की राशि पीड़ित परिवार को दी गई। पुलिस द्वारा शव का पोस्टमार्टम करवाया जा रहा है। इस विषय में नायब तहसीलदार कृष्णगढ़ सूरत सिंह वर्मा ने बताया कि पीड़ित परिवार को फ़ौरन राहत के तौर पर बीस हजार रुपए की राशि प्रदान कर दी गई है।
सोमवार के दिन देहरा में इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (आई पी पी बी) का आठवां फाउंडेशन डे (स्थापना दिवस) मनाया गया। जिसमें विशेष रूप से डाकघर देहरा के डाकपाल राकेश कुमार ओर इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक के शाखा प्रबंधक कमलजीत सैनी उपस्थित रहे। जानकारी देते हुए शाखा प्रबंधक कमलजीत सैनी ने बताया कि "इंडियन पोस्ट पेमेंट बैंक" की शाखा खुलने से क्षेत्रवासियों को काफी लाभ मिला है। उन्होंने बताया कि स्थानीय लोग आई पी पी बी के अंतर्गत विभिन्न योजनाओं का लाभ उठा रहे हैं। अच्छे इंटरेस्ट पर एफ डी व अन्य योजनाओं से क्षेत्र के लोग लाभान्वित हो रहे हैं। इस अवसर पर आई पी पी बी से निशा शर्मा, सुमित वालिया, रजत रिकी, पुलकित ठाकुर आदि भी उपस्थित रहे।
हिमाचल प्रदेश विधानसभा मानसून सत्र का आज 11वाँ दिन है। सत्र की कार्यवाही दोपहर 2 बजे शुरू होगी और इसमें बीते दिनों हुई प्राकृतिक आपदाओं, विशेषकर बादल फटने, भूस्खलन और भारी तबाही का मुद्दा जोर-शोर से गूंजने की संभावना है। प्रश्नकाल के दौरान भी इस विषय पर सवाल-जवाब होंगे और अनुपूरक प्रश्न पूछे जाएंगे। इसके अलावा शून्यकाल और अन्य नियमों के तहत भी विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच तीखी बहस देखने को मिल सकती है। यह 12 दिवसीय मानसून सत्र कल मंगलवार को समाप्त होगा। गौरतलब है कि यह चौदहवीं विधानसभा का 12वां सत्र है और इसे प्रदेश के इतिहास का चौथा सबसे लंबा सत्र माना जा रहा है। सोमवार को सदन में चार अहम विधेयक पेश किए जाएंगे। इनमें हिमाचल प्रदेश लोक परीक्षा अनुचित साधन निवारण विधेयक 2025, हिमाचल प्रदेश सड़क द्वारा कतिपय माल के वहन पर कराधान संशोधन विधेयक 2025, रजिस्ट्रीकरण हिमाचल प्रदेश संशोधन विधेयक 2025 और हिमाचल प्रदेश पंचायती राज संशोधन विधेयक 2025 शामिल हैं। इन विधेयकों को पारित करने का प्रस्ताव मंगलवार को सत्र के अंतिम दिन रखा जाएगा। इसी के साथ आज सदन में हिमाचल प्रदेश लोक उपयोगिताओं के परिवर्तन का प्रतिषेध विधेयक 2025 को भी पारित करने का प्रस्ताव रखा जाएगा। वहीं नियम 130 के तहत शाहपुर से कांग्रेस विधायक केवल सिंह पठानिया संसाधन जुटाने के लिए नीति बनाने का प्रस्ताव रखेंगे। उधर भाजपा विधायक बिक्रम सिंह अवैध खनन और प्राकृतिक संसाधनों के अंधाधुंध दोहन से उत्पन्न भूस्खलन और बाढ़ जैसी समस्याओं को रोकने के लिए नई नीति पर चर्चा की मांग करेंगे। यह सत्र न केवल विधायी गतिविधियों के लिहाज से बल्कि आपदा और राहत कार्यों पर होने वाली चर्चाओं के चलते भी ऐतिहासिक माना जाएगा।
श्री मणिमहेश यात्रा के दौरान सड़कों के बंद होने और यात्रियों के फंसे होने को लेकर इंटरनेट मीडिया पर भ्रामक वीडियो और संदेश वायरल किए जाने का मामला साइबर थाना शिमला में दर्ज किया गया है। शिकायत में कहा गया है कि इस तरह की अफवाहें न केवल हिमाचल सरकार, बल्कि प्रदेश की छवि को भी नुकसान पहुंचा रही हैं। इसके बाद साइबर पुलिस ने सभी वायरल वीडियो और ऑनलाइन सामग्री की जांच शुरू कर दी है। चंबा के भरमौर क्षेत्र में भारी वर्षा और भूस्खलन से कई सड़कें अवरुद्ध हुई थीं, जिसके चलते तीर्थयात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। हालांकि, एनडीआरएफ, स्थानीय पुलिस और अर्धसैनिक बल मौके पर मौजूद हैं और लगातार फंसे हुए लोगों को सुरक्षित निकाल रहे हैं। डीआईजी साइबर क्राइम मोहित चावला ने पुष्टि की है कि अफवाह फैलाने के मामले में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का महत्वपूर्ण संदेश मन की बात कार्यक्रम प्रदेश के सभी बूथों पर कार्यकर्ताओं और जनता ने एक साथ सुना। इसी कड़ी में भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अखिलेश कपूर ने रविवार को मनाली विधानसभा क्षेत्र के बूथ संख्या -81 पर बूथ कमेटी व कार्यकर्ताओं के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का ‘मन की बात’ कार्यक्रम सुना। इस मौके पर उन्होंने प्रधानमंत्री के स्वदेशी अपनाने और आत्मनिर्भर भारत के संदेश को एक ऐतिहासिक और दूरदर्शी कदम बताया। अखिलेश कपूर ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में कहा है कि आत्मनिर्भर भारत का सपना तभी पूरा होगा जब हर नागरिक स्थानीय उत्पादों को प्राथमिकता देगा। उन्होंने पीएम मोदी के शब्दों को दोहराते हुए कहा, “जब हम स्वदेशी वस्तुओं को अपनाते हैं, तो हम सिर्फ सामान नहीं खरीदते, बल्कि देश के कारीगरों, किसानों और उद्यमियों की मेहनत को सम्मान देते हैं। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने विशेष रूप से युवाओं को प्रेरित करते हुए बताया कि आधुनिकता और प्रगति का रास्ता स्वदेशी उत्पादों के उपयोग से होकर ही गुजरता है। कपूर ने प्रधानमंत्री के इस संदेश के समय पर जोर देते हुए कहा कि यह ऐसे समय में आया है जब दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के बीच 'ट्रेड वॉर' की स्थिति बनी हुई है। उन्होंने अमेरिका और चीन के बीच बढ़ते विवाद और 'ट्रंप टैरिफ' के कारण वैश्विक बाजार और आपूर्ति श्रृंखला में आई अस्थिरता का हवाला दिया। उन्होंने कहा कि ऐसी परिस्थिति में प्रधानमंत्री मोदी का 'मेक इन इंडिया' और ' स्टार्ट अप इंडिया' अभियान को आगे बढ़ाना एक बहुत ही दूरदर्शी कदम है। अखिलेश कपूर ने स्वदेशी अपनाने के कई लाभ गिनाए, जिनमें रोजगार सृजन, आर्थिक आत्मनिर्भरता, भारतीय संस्कृति और पहचान की सुरक्षा और वैश्विक प्रतिस्पर्धा में मजबूती शामिल हैं। उन्होंने यह भी बताया कि मोदी सरकार ने आत्मनिर्भर भारत अभियान 2020, मेक इन इंडिया 2014, स्टार्टअप इंडिया 2016 और वन डिस्टिक्ट वन प्रोडक्ट 2018 जैसी कई योजनाएं शुरू की हैं, जो स्वदेशी और आत्मनिर्भरता को मजबूत करने के लिए बनाई गई हैं। कपूर ने कहा कि प्रधानमंत्री का यह संदेश न केवल आम जनता के लिए प्रेरणादायी है, बल्कि उद्योग जगत और स्टार्टअप्स के लिए भी एक स्पष्ट दिशा है। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने सही समय पर स्वदेशी को प्राथमिकता दी है, जिससे भारत की अर्थव्यवस्था नई ऊंचाइयों को छू रही है और वैश्विक स्तर पर देश एक मजबूत स्थिति में खड़ा हो रहा है।
हिमाचल प्रदेश में बागवानी न केवल किसानों व बागवानों के लिए आजीविका का स्त्रोत है बल्कि यह ग्रामीण विकास, रोजगार सृजन और आर्थिक स्थिरता का भी प्रमुख स्तंभ है। प्रदेश में ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू सरकार ने बागवानी को बढ़ावा देते हुए वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान प्रदेश में एचपी शिवा परियोजना के माध्यम से 100 करोड़ रूपये व्यय करने का प्रावधान किया है। सरकार के इस महत्वपूर्ण कदम से न केवल प्रदेश के निचले क्षेत्रों में शिवा परियोजना के माध्यम से बागवानी को बल मिल रहा है बल्कि प्रदेश सरकार के यह प्रयास धरातल में भी फलीभूत हो रहे हैं। हिमाचल सरकार के निरंतर प्रयासों का ही नतीजा है कि आजकल जिला बिलासपुर के बरठीं के अंतर्गत टिहरी कलस्टर में अनार की फसल लहलहा रही है। एचपी शिवा परियोजना के तहत लगभग 100 बीघा में स्थापित इस बगीचे में अनार की फसल पक कर तैयार हो चुकी है तथा लाभार्थी किसान अब इसे बाजार भेजने की तैयारी में जुट गए हैं। वर्ष 2021 में फ्रंट लाइन डेमोंस्ट्रेशन (एफएलडी) के तौर पर टीहरी-एक व टीहरी-दो में लगभग 2 हैक्टेयर क्षेत्र में अनार के पौधों का रोपण किया गया, जिसे वर्ष 2022 में बढ़ाकर 8 हैक्टेयर (लगभग 100 बीघा) भूमि में 44 किसानों को जोड़ते हुए कलस्टर के तौर पर विकसित किया गया है। इस कलस्टर में भगवा प्रजाति के लगभग 8900 अनार के पौधे रोपित किये हैं तथा इस वर्ष 60 मिट्रिक टन अनार उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है। कलस्टर में जुडे़ किसानों की विभिन्न गतिविधियों को संचालित करने के लिए दि बरठीं कन्वर्जिंग हॉर्टिकल्चर प्रोडक्शन मार्केटिंग एसोसिएशन (सीएचपीएमए) सहकारी समिति लिमिटेड का भी गठन किया गया है। जब इस संबंध में लाभार्थी किसान एवं कलस्टर के अंतर्गत गठित दि बरठीं सीएचपीएमए सहकारी समिति लिमिटेड के प्रधान प्रेम लाल नड्डा से बातचीत की तो उन्होंने बताया कि वर्ष 2021 में बतौर एफएलडी-एक व दो में बागवानी विभाग के माध्यम से अनार के पौधे रोपित किये गए। वर्ष 2022 में अन्य किसानों को जोड़ते हुए लगभग 100 बीघा क्षेत्र में इसे कलस्टर के तौर पर विकसित किया गया है। वर्तमान में लगभग 44 किसान जुड़ चुके हैं, और कुछ किसानों ने गत वर्ष अनार बेचकर लगभग 1 से 1.5 लाख रुपये तक की आमदनी अर्जित कर ली है। इस वर्ष कुछ किसान लगभग 3 से 4 लाख रुपये तक की आमदनी अर्जित कर सकते हैं। प्रेम लाल नड्डा ने बताया कि शिवा परियोजना के अंतर्गत स्थापित इस अनार क्लस्टर में बागवानी एवं जलशक्ति विभाग के माध्यम से विभिन्न विकास कार्य किए गए हैं, जिनमें भूमि का विकास, बेड व पिट तैयार करना, सोलर बाड़बंदी, ड्रिप सिंचाई सुविधा तथा उठाऊ सिंचाई परियोजना के माध्यम से जल उपलब्धता सुनिश्चित करना शामिल है। इसके अतिरिक्त जलशक्ति विभाग द्वारा सिंचाई सुविधा हेतु लगभग 2 लाख लीटर क्षमता वाला पानी का टैंक भी निर्मित किया गया है। इसी बीच लाभार्थी किसान सोम देव शर्मा का कहना है कि गत वर्ष लगभग 1 से डेढ लाख रूपये अनार से आमदनी हुई है। इस वर्ष फसल ज्यादा अच्छी है, लगभग 3 से 4 लाख रूपये आमदनी की उम्मीद है। क्लस्टर में उनके लगभग 125 अनार के पौधे हैं जिनसे औसतन प्रति पौधा 25 से 30 किलोग्राम अनार उत्पादन की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि अनार की फसल के साथ-साथ गेंदे का फूल भी लगाया, जिससे भी लगभग 25 हजार रूपये की अतिरिक्त आमदनी हुई है। लाभार्थी किसानों का कहना है कि भगवा प्रजाति का यह अनार लगभग बिना बीज का होता है, जिसे बच्चे व बुजुर्ग भी आसानी से खा सकते हैं। इसके छिलके पतले होते हैं और इसमें रस की मात्रा अधिक होती है। यह अनार स्वाद में भी अत्यंत उत्तम है। किसानों को उम्मीद है कि इस बार उन्हें अच्छे दाम मिलेंगे और आमदनी में और वृद्धि होगी। बागवानी विभाग ने किसानों को तकनीकी मार्गदर्शन देने के लिए फैसिलिटेटर, क्लस्टर इंचार्ज तथा फील्ड ऑपरेटर भी तैनात किए हुए हैं। उन्होंने युवाओं से भी बागवानी के साथ जुड़ने का आहवान किया है ताकि घर के समीप ही न केवल रोजगार के अवसर सृजित किये जा सकते हैं बल्कि वह स्वावलंबी बनकर दूसरों के लिए रोजगार सृजन का कार्य भी कर सकते हैं। उपनिदेशक बागवानी डॉ. जगदीश चंद वर्मा ने बताया कि हिमाचल प्रदेश शिवा परियोजना के माध्यम से जिला बिलासपुर में कुल 37 क्लस्टर स्थापित किए हैं। इन क्लस्टरों के अंतर्गत नींबू प्रजाति, अमरूद और अनार की खेती को बढ़ावा दिया गया है तथा लगभग 134 हेक्टेयर भूमि को कवर किया गया है। उन्होंने कहा कि टिहरी क्लस्टर जिला का एकमात्र अनार का क्लस्टर है, और इस वर्ष लगभग 60 मीट्रिक टन अनार उत्पादन का लक्ष्य है। बागवानी विभाग किसानों को मार्केटिंग की सुविधा भी उपलब्ध करवा रहा है ताकि फसल के बेहतर दाम मिल सकें। उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने कहा कि सरकार ने किसानों व बागवानों के उत्थान के लिए अनेक योजनाएं आरंभ की हैं ताकि ग्रामीण अर्थव्यवस्था और अधिक सशक्त हो सके। शिवा परियोजना के माध्यम से जिला के किसान आर्थिक रूप से मजबूत हो रहे हैं और संबंधित विभागों के माध्यम से अधिक से अधिक किसानों को लाभान्वित करने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। उन्होंने लोगों से सरकार की योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने का आह्वान भी किया।
भारतीय जनता पार्टी देहरा के उपाध्यक्ष डॉ. सुकृत सागर ने आज अपने निवास स्थान बूथ गुलेर-20 पर परिवार एवं पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का मासिक रेडियो कार्यक्रम मन की बात सुना। डॉ. सुकृत सागर ने कहा कि प्रधानमंत्री जी के संदेश हमें समाज के साथ संवेदनशील होकर जुड़ने, प्राकृतिक आपदाओं के समय एकजुट रहने और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने की प्रेरणा देते हैं। मन की बात वास्तव में हर नागरिक को समाज और राष्ट्र के उत्थान के लिए नई ऊर्जा व संकल्प प्रदान करने वाला कार्यक्रम है। आज के कार्यक्रम में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने हाल ही में देश के विभिन्न हिस्सों में आई बाढ़ व भूस्खलन जैसी प्राकृतिक आपदाओं पर गहरी संवेदना व्यक्त की और कहा कि “इन आपदाओं से पूरा देश दुखी है।” उन्होंने राहत व बचाव कार्यों में जुटी भारतीय सेना व सभी एजेंसियों की सराहना भी की। साथ ही प्रधानमंत्री जी ने यह भी उल्लेख किया कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की पहचान और प्रतिष्ठा लगातार बढ़ रही है तथा वैश्विक मंचों पर भारत की आवाज़ को और अधिक महत्व मिल रहा है। इस अवसर पर ग्राम केंद्र प्रमुख सुरति प्रकाश, बूथ अध्यक्ष सुभाष सैनी, ओबीसी मोर्चा के पूर्व जिला महामंत्री नरेश मेहरा, पंचायत प्रधान सुनील गुलेरी तथा पूर्व पंचायत उप प्रधान वरुण धीमान उपस्थित रहे।
धनीराम तनवर, संयोजक एवं मुख्य सलाहकार पुलिस पेंशनर वेलफेयर एसोसिएशन जिला सोलन ने जिला के तमाम पुलिस पेंशनरों से आग्रह किया है कि 3 सितंबर 2025, 11 बजे पैनशर संगठन ने एक विशाल जनसभा बनलगी नजदीक कुठार में रखी है उन्होंने कहा कि जिला सोलन के पुलिस पेंशनर बधूओं जैसा कि आप सभी लोगों को पता है कि कुछ समय से हमारे पुलिस पेंशनर वेलफेयर एसोसिएशन जिला सोलन के उप मंडल स्तर पर जिला के पेंशनर संगठन के प्रधान केडी शर्मा के साथ अपनी मांगे जो सबकी एक समान हैं जिनके बारे में सरकार से अपने पैडिगं पड़े हुए वित्तीय लाभ को लेने के लिए जिला के एसडीएम ऑफिस के बाहर धरना प्रदर्शन करके ज्ञापन दिए जाते रहे हैं, जिन्हें 25 दिन का समय दिया गया था कि वह सरकार को इस बारे में सूचित करें कि पेंशनरों के जितने भी वित्तीय लाभ, डी ऐ मेडिकल बिल है सभी इन दिनों में प्रदान किए जाए मगर आज तक सरकार ने उस पर कोई भी गंभीरता से विचार नहीं किया है। इसी संदर्भ में जिला पैनशर संगठन ने एक विशाल जनसभा रखी है जहां पर आगामी कार्यक्रम के बारे विचार विमर्श किया जाएगा की अपनी मांगों को सरकार से लेने के लिए अगला कौन सा कदम उठाया जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि जिला के पुलिस पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन के पदाधिकारी एवं सदस्य व कार्यकारिणी सभी से आग्रह है कि वह उपरोक्त समय व तारीख में बनलगी पहुंचे और सभी से सलाह मशवरा करके अगला एक्शन लेने का निर्णय लिया जाएगा क्योंकि हमारे जिला के जो पुलिस पेंशनर संगठन है वह इन्हें पहले से ही समर्थन देते आ रहे है। मीटिंग के बाद भोजन की व्यवस्था भी की गई है।
राजकीय प्राथमिक पाठशाला झंडूता में 105 बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं, लेकिन कक्षाएं केंद्रीय मुख्य शिक्षक के कार्यालय और बीआरसी ऑफिस के बरामदे में लग रही हैं। झंडूता शिक्षा खंड में बच्चों की यह संख्या किसी प्राथमिक स्कूल में सबसे अधिक है, लेकिन कमरों के अभाव में बच्चे और स्टाफ को परेशानियां उठानी पड़ रही हैं। इस स्कूल के मुख्य भवन की छत पांच साल पहले तूफान में उड़ गई थी। उसके बाद स्कूल को पास में ही बने दो कमरों में स्थानांतरित किया गया, लेकिन वह कमरे भी अब जर्जर हो चुके हैं। केंद्रीय मुख्य शिक्षक अपने कार्यालय में बच्चों को बैठाकर पढ़ाई करवा रही हैं। कुछ कक्षाएं पास ही स्थित बीआरसी ऑफिस के बरामदे में लग रही हैं। स्कूल का पुराना भवन खंडहर बन चुका है। वह कभी भी गिर सकता है। स्कूल प्रबंधन की ओर से पुराने भवन को गिराने और नया बनाने का प्रस्ताव भेजा गया है, लेकिन कोई कार्रवाई अमल में नहीं लाई गई है। उनको डर सता रहा है की बच्चे वहां खेलते रहते हैं, जिस कारण कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। सरकार और प्रशासन की बेरुखी का खामियाजा कहीं बच्चों को न भुगतना पड़े। अभिभावक भी रोज चिंतित हो रहे है। बच्चों की पढ़ाई से ज्यादा अब उनकी सुरक्षा एक बड़ी चिंता बन गई है। केंद्रीय मुख्य शिक्षक सावित्री देवी ने बताया कि नया भवन बनाने और पुराने भवन को गिराने के लिए कई बार प्रशासन और सरकार के साथ पत्राचार किया है, लेकिन अभी तक कोई भी कार्रवाई अमल में नहीं लाई गई। विकास खंड शिक्षा अधिकारी प्रेमलाल शर्मा ने बताया की स्कूल भवनों की मरम्मत के लिए सरकार को प्रस्ताव भेजा गया है, लेकिन अभी तक स्वीकृति नहीं आई है। स्वीकृति आने के बाद अगली कार्रवाई की जाएगी।
एग्रीकल्चर कोऑपरेटिव स्टाफ ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट शिमला जो कि एच.पी. स्टेट कोऑपरेटिव बैंक लिमिटेड का प्रशिक्षण संस्थान है द्वारा जोगिंद्रा केंद्रीय सहकारी बैंक लिमिटेड, सोलन के सभी 37 शाखा प्रबंधकों के लिए एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला बैंक के नवनिर्मित कॉन्फ्रेंस हॉल, न्यू कथेड में सम्पन्न हुई। कार्यशाला का उद्घाटन बैंक के प्रबंध निदेशक पंकज सूद (एच.ए.एस.) ने किया। उन्होंने अपने संबोधन में व्यवसाय प्रबंधन, आत्म-प्रबंधन एवं तनाव प्रबंधन पर बल देते हुए शाखा प्रबंधकों को नवीन तकनीकियों तथा कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित बैंकिंग सेवाओं को अपनाने का आह्वान किया। दिनभर चले सत्रों में विशेषज्ञों द्वारा क्रेडिट अप्रेज़ल एवं डॉक्यूमेंटेशन, सहकारी अधिनियम में संशोधन एवं आर.टी.आई., राजस्व अभिलेख, आई.आर.ए.सी., सी.आर.ए.आर., एन.पी.ए. प्रबंधन, रिकवरी मैनेजमेंट, केवाईसी मानक, पी.एम.एल.ए. एवं जोखिम निगरानी जैसे विषयों पर प्रशिक्षण दिया गया। इस प्रशिक्षण में डॉ. के.के. रैना (सेवानिवृत्त प्रोफेसर, यू.एच.एफ. नॉऊनी), अनिल शर्मा (सुपरिंटेंडेंट ग्रेड-I, उपायुक्त कार्यालय सोलन), पी.के. जस्सल (सेवानिवृत्त नायब तहसीलदार) तथा ए.सी.एस.टी.आई. के संकाय सदस्यों ने अपने विशेषज्ञ व्याख्यान दिए। कार्यशाला के समापन सत्र में बैंक के अध्यक्ष मुकेश शर्मा ने मुख्य वक्तव्य प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि मानव संसाधन विकास बैंक की सर्वोच्च प्राथमिकता है, और इस प्रकार की कार्यशालाएँ शाखा प्रबंधकों को बदलते बैंकिंग परिदृश्य में दक्ष बनाने का सशक्त माध्यम हैं। उन्होंने ए.सी.एस.टी.आई. सांगटी का विशेष आभार व्यक्त किया और आग्रह किया कि भविष्य में भी इस प्रकार की विषय-आधारित कार्यशालाएँ नियमित रूप से आयोजित की जाएँ। उन्होंने यह भी कहा कि इस प्रशिक्षण से शाखा प्रबंधक बदलते बैंकिंग परिवेश की चुनौतियों का प्रभावी ढंग से सामना कर पाएंगे। साथ ही उन्होंने सभी आमंत्रित विशेषज्ञों एवं संकाय सदस्यों का धन्यवाद किया।
डाडासीबा तहसील के प्राचीन शिव मंदिर में इन दिनों 11 दिवसीय गणपति महोत्सव की धूम मची हुई है। गणपति वेलफेयर एसोसिएशन द्वारा आयोजित यह महोत्सव श्रद्धा और भक्ति का केंद्र बना हुआ है, जहाँ बड़ी संख्या में श्रद्धालु गणपति बप्पा के दर्शन के लिए उमड़ रहे हैं। शनिवार को महोत्सव के चौथे दिन मंदिर परिसर पूरी तरह से गणपति बप्पा की जय-जयकार से गूँज उठा। सुबह भक्तों ने गणपति को स्नान कराकर उनका मनमोहक श्रृंगार किया। इसके बाद बप्पा को मखाने की खीर और लड्डुओं का विशेष भोग लगाया गया। स्थानीय भक्तों ने विधि-विधान से गणपति बप्पा की आरती की, जिसमें हर कोई भक्ति में डूबा नज़र आया। इस पावन अवसर पर जसवां-परागपुर के विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री विक्रम ठाकुर ने भी विशेष रूप से गणपति दरबार में हाज़िरी लगाई। उन्होंने गणपति बप्पा के चरणों में शीश नवाकर आशीर्वाद प्राप्त किया और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की। इस दौरान गणपति वेलफेयर एसोसिएशन की कमेटी ने विधायक विक्रम ठाकुर को माता की चुनरी भेंट कर सम्मानित किया, जिसके लिए विधायक ने आभार व्यक्त किया। एसोसिएशन के प्रधान सुमित मेहरा ने बताया कि यह भव्य महोत्सव 6 सितंबर तक चलेगा। इसी दिन पूर्ण विधि-विधान से गणपति बप्पा को विदाई दी जाएगी। पूजा-पाठ के बाद पौंग झील में गणपति जी का विसर्जन किया जाएगा, जिसके लिए विशेष तैयारियाँ की जा रही हैं। यह आयोजन क्षेत्र में एकता और सौहार्द का संदेश दे रहा है।


















































