भारतीय जनता पार्टी संगठनात्मक जिला कांगड़ा की एक वर्चुअल बैठक जिला अध्यक्ष चंद्रभूषण नाग की अध्यक्षता में हुई जिसमें जिला कांगड़ा के सभी चारों मंडलों के अध्यक्ष और पदाधिकारी व जिला के पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस बैठक में नगरोटा के विधायक अरुण मेहरा, कांगड़ा के पूर्व विधायक संजय चौधरी, प्रदेश भाजपा सचिव वीरेंद्र चौधरी, जिला महामंत्री सचिन शर्मा व रमेश बराड़, मीडिया प्रभारी नारायण ठाकुर ने भी भाग लिया। बैठक को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष चंद्रभूषण नाग ने मोदी सरकार द्वारा पारित कृषि विधेयकों की सराहना की व इन्हें किसान हितेषी विधेयक बताया। नाग ने पार्टी के सभी पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं से आग्रह किया कि वह कांग्रेस द्वारा किए जा रहे भ्रामक दुष्प्रचार को लेकर किसानों और आम लोगों को इन विधेयकों की प्राथमिकताओं और विशेषताओं को बताएं। इस बैठक को नगरोटा के विधायक अरुण मेहरा ने भी संबोधित किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि मोदी सरकार द्वारा पारित कृषि विधेयकों के दूरगामी परिणाम होंगे इससे किसानों की आय दुगनी करने का लक्ष्य भी मोदी सरकार हासिल करेगी। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष चंद्रभूषण नाग को कांगड़ा केंद्रीय सहकारी बैंक का निदेशक चुने जाने पर सभी पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने बधाई दी।
बॉलीवुड सुपरस्टार गोविंदा की पत्नी सुनीता आहूजा मंगलवार सुबह मां चिंतपूर्णी के दरबार में शीश नवाने पहुंची हैं। उन्होंने आज माता के दर्शन किए और अपने परिवार के कुशलक्षेम के लिए मन्नत मांगी। सुनीता आहूजा ने बताया कि वह माता चिंतपूर्णी के दरबार में लंबे समय से आना चाह रही थी लेकिन देश भर में चल रहे लॉकडाउन के चलते वे यहां नहीं पहुंच पाई। अब जैसे जैसे परिस्थितियों सामान्य हो रही हैं वैसे ही उन्होंने मां चिंतपूर्णी के दरबार पहुंच शीश नवाया है। मंदिर के पुजारियों ने सुनीता आहूजा से मंदिर में पूजा अर्चना करवाई। वहीं उन्हें माता की चुनरी और चित्र भेंट कर सम्मानित भी किया गया। बता दें गोविंदा का परिवार पहले भी कई बार माता के दर्शन करने आ चूका है।
जिला चंबा पुलिस द्वारा नशे के खिलाफ चलाए गए अभियान के अंतर्गत रविवार रात जिला चंबा पुलिस की विशेष अन्वेषण इकाई, नाकाबंदी के लिए तीसा पुल (नजदीक शिकारी मोड़) पर मोजूद थी और नियमित वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। उसी समय एक व्यक्ति हाथ मे बैग लेकर पैदल शिकारी मोड़ से भंजराड़ू की तरफ जा रहा था जिसे पुलिस दल ने रोका और पूछताछ करने पर उसने अपना नाम व पता जय दयाल सपुत्र भगत राम गाँव गगेई डाकघर बोंडेरी तहसील चुराह जिला चंबा बताया। पुलिस दल ने शक के आधार पर व उक्त व्यक्ति की संदिग्ध हरकतों को देखते हुए उसके बैग की तलाशी ली तो उसमे से कुल 1.212 किलोग्राम चरस/भांग बरामद की गई जिस पर उक्त व्यक्ति के खिलाफ पुलिस थाना तीसा मे मादक द्रव्य अधिनियम की धारा 20 के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया है। मुकदमे मे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है व आगामी अन्वेषन जारी है।
शिमला। इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान अस्पताल शिमला की रोगी कल्याण समिति की शासकीय निकाय की 11वीं बैठक आज स्वास्थ्य, परिवार कल्याण एवं आयुर्वेद मंत्री डाॅ. राजीव सैजल की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। बैठक में वर्ष 2020-21 के लिए 69 करोड़ 40 लाख रुपये के बजट व्यय को अनुमोदित किया गया। उन्होंने बताया कि बैठक में लिए गए निर्णयों के तहत 50 रुपये से कम यूजर्ज चार्जिज में 5 रुपये की बढ़ौतरी की गई है। आईजीएमसी में चल रहे दवाईयों के एवं अन्य विभिन्न एक्सटेंशन काउंटर को 31 मार्च, 2021 तक बढ़ाया गया है, जिसके उपरांत नए टेंडरों के माध्यम से कांउटर प्रदान किए जाएंगे, जोकि 1 अप्रैल, 2021 से कार्य करना आरम्भ करेंगे। उन्होंने बताया कि बैठक में तय किया गया है कि संस्थान परिसर में विभिन्न स्वैच्छिक संस्थाओं को सेवाएं प्रदान करने के लिए आवश्यकता एवं जगह की उपलब्धता के उपरांत ही अनुमति प्रदान की जाएगी। संस्थान की रसोई सेवा को आउटसोर्स करने के लिए सैद्धांतिक मंजूरी बैठक में प्रदान की गई। आयुष्मान मित्र एवं हिम केयर साथी योजना को मजबूती प्रदान करने के उद्देश्य से 10 आयुष्मान मित्र एवं हिम केयर साथी की नियुक्ति के लिए मंजूरी प्रदान की गई है। उन्होंने कहा कि यह अत्यंत महत्वपूर्ण बैठक है जिसे निश्चित समयावधि पर किया जाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने गैर सरकारी सदस्यों को बैठक का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया, जिनके सुझाव सदैव आपेक्षित है। उन्होंने कहा कि इन सदस्यों का जुड़ाव सीधा जनता से होता है, जिससे लोगों की मांग के प्रति जानकारी प्राप्त होती है। उन्होंने कहा कि किसी भी संस्थान का मानव संसाधन जीवंत पक्ष है और उसकी बेहत्तरी के लिए हमें मिलकर कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि सभी समन्वय स्थापित कर एकजुट होकर संस्थान की प्रगति एवं रोगियों के कल्याण व सुविधा प्रदान करने के लिए कार्य करें। उन्होंने बैठक के दौरान संस्थान के विभिन्न अन्य बिंदुओं पर चर्चा करते हुए उसे प्रदेश सरकार के समक्ष रखने तथा उन पर जल्द निर्णय लेकर क्रियान्वित करने का आश्वासन् दिया। बैठक में स्वास्थ्य सचिव अमिताभ अवस्थी, निदेशक चिकित्सा शिक्षा डाॅ. रवि शर्मा, प्रधानाचार्य आईजीएमसी डाॅ. रजनीश पठानिया, चिकित्सा अधीक्षक आईजीएमसी डाॅ. जनक राज, चिकित्सा अधीक्षक कमला नेहरू अस्पताल डाॅ. अंबिका चैहान, संयुक्त निदेशक आईजीएमसी डाॅ. आर.एन. शर्मा, सेम डिकाॅट के अध्यक्ष डाॅ. यू.के. चंदेल, लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता सुरेश कपूर, कर्मचारी यूनियन के प्रदान सुखदेव वर्मा, वित्त अधिकारी देवेन्द्र पाल, एसीएफ प्रणव नेगी तथा चिकित्सा अधिकारी स्टोर डाॅ. साद रिजवी भी उपस्थित थे।
सोलन। हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड सोलन से प्राप्त जानकारी के अनुसार पुराने बस अड्डा सोलन के लिए नई 11 केवी फीडर लाइन संचालित करने तथा 11 केवी फीडरों के साथ नए फीडरों को जोड़ने के दृष्टिगत 13 से 19 अक्तूबर तक सोलन शहर के विभिन्न क्षेत्रों में प्रातःकाल व सांयकाल में 30-30 मिनट के लिए विद्युत आपूर्ति बाधित की जाएगी। यह जानकारी वरिष्ठ अधिशाषी अभियंता विकास गुप्ता ने दी। उन्होंने कहा कि इसके दृष्टिगत गत मालरोड, अप्पर बाजार, लोक निर्माण विभाग काॅलोनी, कोर्ट काॅम्पलेक्स, विवांता माॅल, पेरागाॅन होटल, पुराना उपायुक्त कार्यालय, सनी साइड, शेर कलीन व इसके आसपास के क्षेत्रों में प्रातः 9.00 बजे से 9.30 बजे तक तथा सांय 5.00 बजे सो 5.30 बजे तक विद्युत आपूर्ति बाधित की जाएगी। उन्होंने इस दौरान लोगों से सहयोग की अपील की है।
Dr. YS Parmar University of Horticulture and Forestry, Nauni organized webinars as part of the World Bank-funded ICAR’s Institutional Development Plan (IDP) aimed at enhancing quality education at the undergraduate level. Vice-Chancellor Dr. Parvinder Kaushal is the project leader of the IDP while Dr. KK Raina is the overall coordinator. As part of this project, a series of webinars on ‘Enhancing soft skills’ among undergraduate students was organized by the IDP team of the university. The UG students of all the campuses in the disciplines of horticulture, forestry and biotechnology attended the webinars. Dr. Parvinder Kaushal said that the webinars had been specially designed in a way to polish the personality of the students and focus on areas that are required to be successful in life. For this purpose, the university has roped in the services of Manjula Sularia, a life skills coach and CEO of Transformers Value Creators. Sularia is also an alumnus of the university. The webinars covered themes like positive body language and gestures; grasping power and memory building; confidence building and public speaking skills; social values and moral ethics; communication skills and leadership values. Besides the UG students from all the four colleges, these webinars were also attended by Dr. PK Mahajan, Dr. Ravinder Sharma, and team members of the IDP.
अनुसूचित जाति, जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 के अंतर्गत स्थापित जिला स्तरीय सतर्कता एवं प्रबोधन समिति के अंतर्गत गठित समिति, अल्पसंख्यकों के कल्याण के लिए प्रधानमंत्री नवीन 15-सूत्रीय कार्यक्रम की समीक्षा तथा राष्ट्रीय न्यास अधिनियम 1999 के अंतर्गत गठित स्थानीय स्तरीय समिति की बैठकें आयोजित की गईं। बैठकों की अध्यक्षता सहायक आयुक्त भानु गुप्ता ने की। भानु गुप्ता ने कहा कि उपरोक्त विभिन्न कार्यक्रम समाज के लक्षित वर्गों के संतुलित विकास एवं संविधान की अनुपालना के अनुरूप कार्यान्वित किए जा रहे हैं। भारत के संविधान में विभिन्न नियमों के माध्यम से समाज के कमजोर वर्गों की सुरक्षा सुनिश्चित बनाई है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन सभी नियमों का उचित कार्यान्वयन सुनिश्चित बनाया जाए। बैठक में अवगत करवाया गया कि अनुसूचित जाति, जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 के अंतर्गत जिला में इस वर्ष 13 मामलों में 05 लाख रुपए की राहत राशि प्रदान की जा चुकी है। अधिनियम के अन्तर्गत 06 नए मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें 2.25 लाख रुपए की राहत राशि प्रदान की गई है। बैठक में अल्पसंख्यकों के लिए प्रधानमंत्री के नए 15 सूत्रीय कार्यक्रम पर भी विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में अवगत करवाया गया कि सोलन जिला में विशेष पोषाहार कार्यक्रम के अन्तर्गत मुस्लिम समुदाय के 1273, सिक्ख समुदाय के 307 तथा इसाई समुदाय के 56, बौद्ध समुदाय के 02 बच्चों व महिलाओं को पोषाहार उपलब्ध करवाया जा रहा है। बैठक में कार्यक्रम के तहत चलाई जा रही अन्य योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। बैठक में जानकारी दी गई कि राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार योजना के अन्तर्गत मुस्लिम समुदाय के 91, 01 ईसाई तथा सिक्ख समुदाय के 20 लोगों को जाॅब कार्ड जारी किए गए। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत मुस्लिम वर्ग के 06 लाभार्थियों को 60 हजार का ऋण प्रदान किया गया। बैठक में अवगत करवाया गया कि आर्थिक क्रियाकलापों के लिए अभिवृद्धि ऋण सहायता के अन्तर्गत वर्ष 2020-21 में स्वरोजगार के लिए 07 लाभार्थियों को 35 लाख रुपए का ऋण स्वीकृत किया गया। बैठक में राष्ट्रीय न्यास अधिनियम 1999 के अन्तर्गत गठित समिति द्वारा दिव्यांग व्यक्तियों के कानूनी संरक्षक के मामलों पर विचार-विमर्श किया गया। बैठक में अवगत करवाया गया कि सोलन जिला में वर्तमान में 18 वर्ष से अधिक आयु के 424 व्यक्ति मानसिक रूप से दिव्यांग हैं। इनमें से 17 के कानूनी संरक्षक प्रमाण पत्र बनाए जा चुके हैं तथा 21 मामले विचाराधीन हैं। जिला कल्याण अधिकारी अनुराधा तनवर ने बैठक की कार्यवाही का संचालन किया तथा विभिन्न योजनाओं की जानकारी प्रदान की। बैठक में भारतीय प्रशासनिक सेवा की परिवीक्षाधीन अधिकारी रितिका, उप पुलिस अधीक्षक बद्दी साहिल आरोड़ा, उप पुलिस अधीक्षक सोलन योगेश दत्त जोशी, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी राजकुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी सोलन डाॅ. राजन उप्पल, उपनिदेशक प्रारम्भिक शिक्षा रोशन जसवाल, जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक मिलाप शांडिल, जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक केके जसवाल, आईएएमडी की अध्यक्ष संजना गोयल, गणपति एजुकेशन सोसायटी कुनिहार के अध्यक्ष रोशन लाल शर्मा, समितियों के गैर सरकारी सदस्य माया राम सहित अन्य सदस्य एवं अधिकारी उपस्थित थे।
सुंदरनगर कांग्रेस को एक बड़ा झटका लगा है सुंदरनगर विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत घडोई के चार लोगो ने कांग्रेस का साथ छोड़ भाजपा का दामन थाम लिया है। जानकारी देते हुए सुंदरनगर के विधायक राकेश जम्वाल ने कहा कि कांग्रेस की नीतियों से जनता पूरी तरह से परेशान हैं जिस कारण लोग लगातार कांग्रेस का दामन छोड़ भाजपा में शामिल हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि सोमवार को निहरी क्षेत्र की घडोई पंचायत के उमादत, वेगाराम, तेजेन्द्र और किरण कुमार ने कांग्रेस छोड़ भाजपा का दामन थामा है जिनका हार पहनाकर भाजपा में स्वागत किया गया है। विधायक राकेश जम्वाल ने कहा कि हिमाचल और केंद्र में कांग्रेस का कोई भी वजूद नहीं है इसी कारण लोग लगातार भाजपा का दामन थाम रहे हैं।
दाड़लाघाट के अंतर्गत ग्राम पंचायत सन्याडी मोड़ के गांव मंगरूड़ के लोगों में बिजली के भारी भरकम बिल देखकर हड़कंप मच गया है। विद्युत विभाग द्वारा इस बार उपभोक्ताओं को एक मुश्त 6-7 महीने बाद भारी-भरकम बिल थमा दिए गए जिससे ग्रामीण आम जनता सकते में आ गई है। उधर सन्याडी मोड़ पंचायत के छामला गांव निवासियों ने विद्युत विभाग पर लापरवाही करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा है कि विद्युत विभाग की लापरवाही आम जनता पर भारी पड़ रही है, पहले बिजली के बिल विभाग द्वारा हर 2 महीने के उपरांत दिए जाते थे जो कम होते थे और लोगों को देने में आसान होते थे लेकिन कोरोना महामारी के कारण विभाग ने 6-7 महीने का एकमुश्त बिल आम जनता पर थोप दिया है। उनके अनुसार उपभोक्ताओं को पहले सौ से डेढ़ सौ यूनिट बिजली की खपत होती थी लेकिन जैसे-जैसे मीटर रीडिंग करने हेतु महीने बढ़ते गए बिजली का टैरिफ रेट भी बढ़ता गया और वहां अनावश्यक बोझ भी आम जनता पर बढ़ता गया क्योंकि यदि समय पर बिजली के बिल आ जाते तो आम जनता को बढ़े हुए टैरिफ रेट नहीं चुकाने पड़ते। लोगों का कहना है कि यदि विभाग के पास कर्मचारी नहीं है तो इसमें लोगों या आम जनता का क्या कसूर है आम जनता क्यों छह- सात महीने के बढ़े हुए टैरिफ रेट के बिल अदा करें। उनका कहना है कि आम आदमी को यदि 9 या 10 हज़ार का घरेलू बिजली बिल एकमुश्त आ जाए तो उसे अदा करने में कितनी कठिनाई होगी यह शायद विभाग को मालूम नहीं? लोगों ने विभाग से मांग की है कि उन्हें पूर्ववत 2 महीने बाद बिजली के बिल दिए जाएं ताकि उन्हें बिल अदायगी में आसानी रहे। विद्युत उपभोक्ताओं में जियालाल, प्रेमलाल, संतराम, लक्ष्मी नंद, केशवराम, मदन शुक्ला, दिलीप कुमार, वीरेंद्र कुमार, परमानंद इत्यादि ने विभाग से गुहार लगाई है कि इतने भारी भरकम बिल एकमुश्त न दिया जाए और दिए गए बिलों में कटौती देकर उपभोक्ताओं को राहत प्रदान की जाए। जब इस बारे सहायक अभियंता दाड़लाघाट ओम प्रकाश शर्मा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि हमारे पास बिल काटने वाली मशीनें कम होने के कारण बिल देने में देरी हो रही है। कई बार मशीनें खराब भी हो जाती है जिस कारण बिल लेट हो जाते है। उच्च अधिकारियों को इस बारे लिख दिया है जल्द ही लोगों को देरी से आने वाले बिलों की समस्या का समाधान कर देंगे।
हिमाचल के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसकी जानकारी मुख्यमंत्री ने खुद अपने सोशल मीडिया पर दी। उन्होंने लिखा की "कुछ दिनों पहले मैं किसी कोरोना पॉजिटिव के संपर्क में आने से अपने आवास पर क्वारंटाइन था। गत दो दिनों से कोरोना के कुछ लक्षण आने के कारण आज कोरोना टेस्ट करवाया, जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है।" कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद से मुख्यमंत्री अपने आवास में ही आइसोलेट हो गए हैं। बता दें मुख्यमंत्री 3 अक्टूबर को हुए रोहतांग टनल उद्घाटन समारोह में शामिल हुए थे जिस का उद्घटान प्रधान मंत्री मोदी ने किया था। तत्पश्चात समारोह में शामिल बंजार के विधायक अरुण शौरी कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे और मुख्यमंत्री सहित अन्य नेता विधायक के प्राथमिक संपर्क में आए थे। जिस के बाद सीएम व अन्य नेता सेल्फ आइसोलेट हो गए थे। आज मुख्यमंत्री की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव पाई गई है।
आज से हिमाचल प्रदेश के सभी स्कूलों में 100 फीसदी शिक्षक व गैर शिक्षक लौट आएं हैं। सरकार द्वारा 12 अक्टूबर से सभी स्कूलों में नई व्यवस्था लागु कर दी है। वहीं स्कूलों को स्कूल आने वाले विद्यार्थियों की संख्या और कमरों के हिसाब से माइक्रो प्लान बना कर 17 अक्टूबर तक शिक्षा उपनिदेशकों को भेजने को खा गया है। साथ ही 15 से 17 अक्टूबर तक ई-पीटीएम कर अभिवावकों के साथ भी संवाद स्थापित करने कोख गया है। हालांकि विद्यार्थियों के स्कूलों में नियमित तौर पर बुलाने के फैसले का अभी इंतज़ार रहेगा। केंद्र सरकार द्वारा 15 अक्तूबर के बाद शिक्षण संस्थान खोलने का फैसला राज्य सरकारों पर छोड़ा गया है। हिमाचल में इसको लेकर कैबिनेट की बैठक में फैसला लिया जाना था पर BJP के विधायक के पॉजिटिव आने के मुख्यमंत्री क्वारंटाइन हो गए। कारणवश कैबिनेट की बैठक स्थगित करनी पड़ी। ऐसे में शिक्षा विभाग अपने स्तर पर फैसला लेते हुए अब स्कूलों को छात्रों के लिए खोलने से फ़िलहाल इनकार किया है। केंद्र की एसओपी को लागू करते हुए शिक्षा विभाग ने फिलहाल सोमवार से सौ फीसदी शिक्षकों और गैर शिक्षकों को बुलाने का फैसला लिया है। 12 से 16 अक्तूबर तक विद्यार्थियों के लिए स्कूल खोलने का माइक्रो प्लान बनाया जाएगा।
चालू वित्त वर्ष के पहले छह महीनों में आवश्यक कृषि वस्तुओं का निर्यात 43.4 प्रतिशत से बढ़कर 53,626.6 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले साल इस अवधि में 37,397.3 करोड़ रुपये था: कश्यप भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने कहा कि भारत ने कोविड-19 के संकट काल के समय भी अच्छा कार्य किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृढ़ निश्चय और सकारात्मक नीतियों के कारण भारत विश्व में सशक्त छवि वाला देश बनकर उभरा। पिछले छह महीनों में भारत का कृषि निर्यात फल-फूल रहा है, जबकि अर्थव्यवस्था के कई क्षेत्रों को कोविड -19 महामारी के कारण नुकसान उठाना पड़ रहा है। उन्होनें कहा कि चालू वित्त वर्ष के पहले छह महीनों में आवश्यक कृषि वस्तुओं का निर्यात 43.4 प्रतिशत से बढ़कर 53,626.6 करोड़ रुपये हो गया है, जो पिछले इस अवधि में 37,397.3 करोड़ रुपये था। प्रमुख कमोडिटी समूह में गैर बासमती चावल निर्यात में 105 प्रतिशत की छलांग लगाई है। इसी तरह बासमती चावल 13 प्रतिशत, जमीनी अखरोट 35 प्रतिशत, परिष्कृत चीनी 104 प्रतिशत और गेहूं में 206 प्रतिशत की बढ़ौतरी दर्ज की गई हैं। भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि महीने-दर-महीने आधार पर, सितंबर, 2020 के दौरान आवश्यक कृषि वस्तुओं के निर्यात में सितंबर में 81.7 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जो 9,296 करोड़ रुपये है, जबकि 2019 में 5,114 करोड़ रुपये का निर्यात हुआ था। उन्होंने कहा निर्यात में छलांग नई कृषि निर्यात नीति का परिणाम है, जिसे 2018 में लॉन्च किया गया था। उन्होंने कहा कि हाल ही में, सरकार ने 1 लाख करोड़ रुपये की एग्री इंफ्रा फंड की भी घोषणा की है। इससे देश और प्रदेश के कृषकों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आएगा।
अन्तराष्ट्रीय बालिका दिवस वृत कुनिहार जनपद की तीनों पंचायतो के आंगन बॉडी केंद्र हाटकोट 2 में मनाया गया।इस दौरान थावना व कोठी वृत की आंगनबाड़ी केंद्र की बालिकाओं व महिलाओं ने भाग लिया।इस दौरान विभाग द्वारा चलाई जा रही मदर टेरिसा,बेटी है अनमोल,मुख्यमंत्री कन्यादान योजना,विधवा पुनर्विवाह,माता सबल योजना सहित कई मात्री कल्याण योजनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई व बालिकाओं ने विभिन्न प्रकार के खेल कूद प्रतियोगिताओं में भाग लिया।इस दौरान अनिता सोनी,उर्मिला शर्मा,अनिता जोशी सहित कुनिहार वृत के तहत सभी 22 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाओं मौजूद रही।
पालमपुर, 11 अक्टूबर:- विधानसभा अध्यक्ष, विपिन सिंह परमार ने रविवार को अपने निवास ननाओं में जनसमस्याएं सुनीं और अधिकतर का मौके पर ही निपटरा किया। उन्होंने अधिकारियों को आदेश दिए कि लोगों की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता पर करें, ताकि लोगों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि लोगों की समस्याओं का समाधान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है और अधिकारी यह कार्य गंभीरतापूर्वक करें। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने मरहूँ निवासी चलने फिरने में असमर्थ मीरा देवी को व्हीलचेयर भेंट की । इसके पश्चात परमार ने सुलाह हलके के सलोह में, सलोह स्पोर्ट्स युवा क्लब द्वारा आयोजित वॉलीबाल प्रतियोगिता के समापन समारोह तथा थुरल में साहिब सिंह राणा मेमोरियल बैडमिंटन चौंपियनशिप प्रतियोगिता के समापन समारोह की अध्यक्षता की तथा विजेताओं को पुरस्कृत किया। विधान सभा अध्यक्ष ने आयोजकों को बधाई देते हुए कहा कि इस तरह के आयोजनों से ग्रामीण प्रतिभाओं को मंच प्राप्त होने से आगे बढ़ने के बेहतर अवसर प्राप्त होते हैं। उन्होंने कहा कि खेलों से बच्चों का मानसिक तथा शारीरिक विकास तो होता ही है वहीं युवा नशे से भी दूर रहते हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार खिलाड़ियों और खेलों को प्रोत्साहित करने के लिए विशेष प्रयास किये जा रहे हैं। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के अतिरिक्त भवन के निर्माण के लिए 1 करोड़ 25 लाख रुपये स्वीकृत किये गये हैं। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन में सुलह हलके के हर घर को नल से जल उपलब्ध करवाने का कार्य मिशन के रूप में चल रहा है। उन्होंने कहा कि सुलह के लोगों को पेयजल आने वाले समय में नलकूपों के माध्यम से उपलब्ध करवाया जायेगा। उन्होंने कहा कि सलोह में भी पेयजल सुधार के लिए एक नलकूप लगाया जायेगा। उन्होंने सलोह र्स्पोटस क्लब को 21 हजार रुपये देने की घोषणा भी की । उन्होंने रस्साकस्सी की विजेता और उपविजेता महिलाओं को 5 हजार रुपये देने की घोषणा की। कार्यक्रम में भाजपा मंडलाध्यक्ष देश राज शर्मा, सलोह पंचायत के प्रधान मदन लाल खुराना, उपप्रधान लव कुमार, सुरेंद्र गुलेरिया, बीडीसी सदस्य अरविंद समकड़िया, फरेड़ पंचायत के उपप्रधान मनोज मोनू, गुग्गा मंदिर के पुजारी वेद प्रकाश, क्लब के प्रधान नरेंद्र कुमार, सचिव अमित, चन्दर मोहन, रजनीश कुमार, राजेश कुमार, विषयवाद विशेषज्ञ शशि पॉल अत्रि सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और क्षेत्र के गणमान्य लोग मौजूद रहे। वॉलीबाल का फाइनल जेल पुलिस और पहाड़ा क्लब के बीच खेला गया। परमार ने विजेता टीम पाहड़ा को ट्रॉफी और 11 हजार रुपये और उपविजेता जेल पुलिस को 6 हजार 100 रुपये ट्रॉफी देकर पुरस्कृत किया। रस्साकशी में वार्ड नंबर 1 की महिला खिलाड़ी विजेता रही 1100 रुपये और उपविजेता वार्ड न0 4 की महिलाओं को 500 रुपये देकर पुरस्कृत किया। उन्होंने इस अवसर पर खाद, बीज और कृषि उपकरण वितरित किये।
पालमपुर, जहां चाह है, वहीं राह है इस कहावत चरितार्थ किया देहरा उपमण्डल की पंचायत कुहना के बलजीत, राज कुमार, और जोगिन्दर सिंह ने। किसानी में उत्कृष्ठता हासिल करने वाले इन किसानों की मेहनत का रास्ता प्रशस्त हुआ है, हिमाचल प्रदेश के कृषि महकमे की महत्वकांशी परियोजना जाईका से प्राप्त सहायता से। हिमाचल प्रदेश सरकार और जापान अंतरराष्ट्रीय सहयोग संस्था की परियोजना से किसानों के खेतों में लहलाती नकदी फसलों से इनकी आय लगभग 4 गुणा तक वृद्धि हुई है। आर्थिक रुप में सुदृढ़ता को देख क्षेत्र के युवा और अन्य लोग प्रेरित हो रहे हैं। बलजीत, राज कुमार, और जोगिन्दर सिंह जैसे दर्जनों किसानों की तकदीर में जाईका परियोजना के आरंभ होने के बाद बड़ा बदलाव आया। परियोजना में इस क्षेत्र में 85 लाख रुपये से चमेटी कूहल का निर्माण, किसानों के खेतों तक सड़क सुविधा पर 11 लाख और किसानों के उत्पादों को बाजार उपलब्ध करवाने के लिए 28 लाख रुपये से उत्पाद संग्रह केंद्र भी स्थापित किया गया है। जाईका परियोजना में उठाऊ सिंचाई योजना चमेटी से वर्षभर किसानों को सिंचाई सुविधा उपलब्ध होने, फार्म तक एक्सेस रोड और अन्य सुविधा मिलने से इस क्षेत्र किसानों ने अधिक मेहनत कर इस क्षेत्र को भी प्रदेश के सब्जी उत्पादन क्षेत्रों की पहचान दिलाई। पूर्णतः वर्षा पर आधारित चमेटी क्षेत्र में सिंचाई सुविधा प्राप्त होन से कृषि अच्छे मुनाफे का जरिया बन गया। चमेटी के बलजीत सिंह ने इस परियोजना का भरपूर लाभ उठाते हुए लगभग 12 कनाल में खेती को विस्तरित किया। खरीफ सीजन में भिन्डी, खीरा, लोकी, मीटरफली के अलावा हल्दी, जिमीकंद का उत्पादन कर अच्छीखासी कमाई का जरिया बनाया। कृषि विज्ञानिकों की राय पर पिछले दो बर्षो से मक्की की जगह स्वीट कॉर्न लगाना शुरू किया जिससें इनकी आय 25 हजार रुपये से डेढ़ लाख रुपये तक बढ़ी है। इनकी कठोर मेहनत और लगन को देखते हुए जाईका के माध्यम से पॉलीहाउस लगवाया गया है और इसमें वे बेेमोसमी सब्जी, खीरा एवं टमाटर तैयार कर रहे हैं। इसके अलावा विभिन्न सब्जियों पौध तैयार कर बेचने से मुनाफा कमा रहे हैं। अपनी कड़ी मेहनत से इन्होंने चमेटी जैसे क्षेत्र में फूलगोभी और ब्रोकली जैसी फसलें उगाकर अपनी सालाना औसत आय अब एक से डेढ़ लाख की बृद्धि की है। प्रगतिशील किसान राज कुमार ने भी जाईका परियोजना में उपलब्ध सुविधाओं को अपनाकर हल्दी उत्पादन 4 कनाल से बढ़ाकर 27 कनाल पर कर रहे हैं। उन्नत किस्म का हल्दी का बीज बेचने से लेकर हल्दी पाउडर बनाकर यह हजारों कमा रहे हैं। किसानों की सुविधा के लिए जाईका द्वारा कलेक्शन (संग्रह) सेंटर चमेटी में हल्दी पिसाई की मशीन, सोलर ड्रॉयर, बजन करने तथा पेकिंग करने की मशीन उपलब्ध करवाई गई है। केवल हल्दी और वाशिंग पाउउर के माध्यम से ही राज कुमार ने दो वर्षो में अढ़ाई लाख रुपये की आमदनी प्राप्त की है। यहां किसानों की सुविधा के लिए जाईका के माध्यम से आधुनिक कृषि यंत्र भी मुहैया करवाए गए हैं। इस परियोजना जुड़े किसान इन यंत्रों को न्यूनतम दैनिक किराए के आधार पर उपयोग कर रहे हैं। इससे किसानों के उत्पादन शुल्क में कमी आने के साथ-साथ नई और सरल तकनीक से कृषि करने का अवसर प्राप्त होने उत्पादन में वृद्धि हो रही है। जाईका द्वारा उठाऊ सिंचाई योजना चमेटी के निर्माण और अन्य आधुनिक कृषि यंत्र एवं तकनीक उपलब्ध करवाने से इस क्षेत्र के किसानों की वार्षिक आय में साढ़े 3 गुणा वृद्धि दर्ज की गई है। इस क्षेत्र के किसानों वार्षिक आय 44462 रुपये से बढकर 3 लाख 11 हजार 117 रुपये प्रति हेक्टेयर हो गई है। जिला परियोजना प्रबंधक, डॉ0 राजेश सूद ने बताया कि हिमाचल प्रदेश सरकार और जापान अंतरराष्ट्रीय सहयोग संस्था के संयुक्त तत्वाधान में संचालित इस परियोजना ने किसानों के जीवन में बड़ा परिवर्तन ला दिया है। किसानों के खेतों तक पानी, आधुनिक कृषि यंत्रों पर 90ः10 के अनुपात पर अनुदान, उत्पाद संग्रहण कंेद्र, खेत तक सड़क, प्रशिक्षण एवं तकनीक उपलब्ध करवाई जा रही है। इसके अलावा यहाँ के किसानों एवं स्वयं सहायता समूह के सदस्यों तथा अन्य किसानों को जागरूक किया जा रहा है। उत्पाद संग्रह केंद्र के माध्यम से भी यहाँ अनेक गतिविधियाँ जैसे कि अपनी सब्जी बेचना, हल्दी को सुखाना तथा पिसाई करना, अपने उत्पादों की पैकिंग करना एवं वाशिंग पाउडर बनाना आदि कार्य का भी प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
एनआईटी हमीरपुर में डायरेक्टर विनोद यादवा के विरुद्ध अब एनआईटी प्रशासन एफआईआर दर्ज करवाए। क्योंकि उनकी बर्खास्तगी के बाद अब यह साबित हो गया है कि विनोद यादवा एनआईटी में कथित भर्ती घोटाले के मुख्य आरोपी हैं। यह बात राज्य कांग्रेस उपाध्यक्ष एवं विधायक राजेंद्र राणा ने यहां जारी प्रेस बयान में कही है। उन्होंने कहा कि अब जब केंद्रीय जांच समीति यह साबित कर चुकी है कि एनआईटी हमीरपुर के डायरेक्टर विनोद यादवा इस कथित भर्ती घोटाले के दोषी साबित हो चुके हैं तो उनके खिलाफ एफआईआर करने में देरी क्यों की जा रही है। राणा ने कहा कि एनआईटी के डायरेक्टर विनोद यादवा की कारगुजारी के चलते एनआईटी में 100 के करीब भर्ती किए गए लोगों से करोड़ों के लेनदेन के भी आरोप लगे हैं। जिसकी जांच होना स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि अगर सच में ही बीजेपी सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की बात करती है तो अब केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय व एनआईटी प्रशासन को आरोपी डायरेक्टर के खिलाफ अपराधिक गतिविधियों के आरोप में एफआईआर दर्ज होनी जरुरी है। राणा ने कहा कि केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय द्वारा गठित समीति की रिपोर्ट में उन्हें दोषी पाया गया है। जिस कारण से उनकी सेवाओं को तत्काल प्रभाव से समाप्त किया गया है। राणा ने कहा कि भ्रष्टाचार के आरोपों की गंभीरता का पता इस बात से साफ चलता है कि केंद्रीय मंत्रालय ने उन्हें नोटिस देने तक का जोखिम नहीं उठाया है और उनकी सेवाओं को समाप्त करते हुए उन्हें तीन महीने की बेसिक पगार थमाकर चलता किया है। राणा ने कहा कि वह इस भ्रष्टाचार के बड़े मामले की शिकायत लगातार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश निशंक पोखरियाल के साथ बोर्ड ऑफ गवर्नर के चेयरमैन चंद्रशेखर को लगातार करते रहे हैं, जबकि इस मामले की शिकायत उन्होंने सबूतों के साथ हिमाचल प्रदेश सीबीआई के एसपी को भी की है। उन्होंने कहा कि मैथ व कंप्यूटर साईंस के साथ अन्य कई विभागों में सैकड़ों लोगों की भर्तियां कथित आरोपों के लेनदेन के बीच नेपोटिज्म के आधार पर हुई हैं। जिनकी अब जांच होनी स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि आरोपी डायरेक्टर की इस कारगुजारी के चलते एनआईटी हमीरपुर की रैंकिंग गिर कर 98वें रैंक पर जा पहुंची थी। इन सब मामलों की जांच के लिए एफआईआर होनी जरुरी है, ताकि जिन लोगों के साथ इस बेखौफ धांधली के चलते अन्याय हुआ है, उन्हें न्याय मिल सके।
नगर परिषद सोलन के वार्ड-14 के तहत हाऊसिंग कॉलोनी फेज-1 स्थित महाकालेश्वर मंदिर में स्थानीय सनातन धर्म सभा और सोलन हेल्पिंग सोसायटी ने रविवार को रक्तदान शिविर का आयोजन किया। शिविर में 25 यूनिट रक्त जमा हुआ। इससे सोलन अस्पताल में रक्त की मांग पुरी करने में मदद मिलेगी। शिविर में समाजसेवी रंजन महाजन और सेवानिवृत प्रोफेसर यूएन खोसला ने अपनी उपस्थिति से रक्तदाताओं की हौंसलाअफजाई की। रंजन महाजन ने सनातन धर्म सभा और सोलन हेल्पिंग सोसायटी की पहल को सराहा। उन्होंने कहा कि मानव सेवा के लिए रक्त दान से बक़र कोई दूसरा पुण्य कार्य नहीं हो सकता। शिविर में सोलन अस्पताल की बल्ड बैंक टीम ने अपनी सेवाएं दी। इसमें डॉ रूपप्रीत कौर सहित वरिष्ठ तकनीशियन देसराज, काउंसलर चमन, तकनीशियन संजय, कैलाश ने अपनी सक्रिय भूमिका निभाई। शिविर में 25 यूनिट रक्त जमा हुआ। सनातन धर्म सभा के चेयरमैन नरेश गांधी ने सोलन शिविर में आयोजन के लिए सोलन हेल्पिंग सोसायटी सहित सोलन अस्पताल की टीम को आभार व्यक्त किया। उन्होंने रक्तदाताओं की तरफ से किए गए पुण्य कार्य को सराहा और उन्हें प्रमाण पत्र बांट कर धन्यवाद किया। सोलन हेल्पिंग सोसायटी के संस्थापक विजय भट्टी ने कहा कि सोसायटी अब तक देश भर में करीब 7 हजार ज़रूरतमंद लोगों को रक्त उपलब्ध करवा चुके हैं। भविष्य में इस कार्य को आगे बढ़ाया जाएगा। सभा के प्रधान रमन गुप्ता और जेपी वर्मा, रितेश वर्मा ने भी रक्तदान किया। इसके अलावा हाऊसिंग कॉलोनी के लोगों ने भी रक्तदान शिविर में बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा आयुर्वेद मन्त्री डाॅ. राजीव सैजल ने आज यहां अन्तरराष्ट्रीय बालिका दिवस-2020 पर विभिन्न स्वयं सहायता समूहों, आंगनबाड़ी पर्यवेक्षकों, कार्यकर्ताओं व सहायिकाओं को उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित किया गया। कोविड-19 के दौरान उत्कृष्ट कार्य के लिए स्वयं सहायता समूहों के सम्मानित किया गया। कंडाघाट विकास खंड के ज्योति स्वयं सहायता समूह, सोलन विकास खंड के महादेव स्वयं सहायता समूह, साक्षी स्वयं सहायता समूह तथा हुनर, शक्ति, साक्षी एवं स्वर्ण स्वयं सहायता समूह तथा धर्मपुर विकास खंड के आशा स्वयं सहायता समूह कसौली को सम्मानित किया गया। जिला बाल संरक्षण इकाई सोलन की टीम को कोविड-19 के दौरान उत्कृष्ट कार्य के लिए बाल कल्याण समिति सोलन की अध्यक्ष विजय लांबा, विधिक अधिकारी सपना चैहान, प्रोजेक्शन अधिकारी सुमन, आउटरीच कार्यकर्ता किरन बाला तथा सामाजिक कार्यकर्ता उर्मिल को सम्मानित किया गया। पोषण अभियान के तहत बेहतरीन कार्य के लिए विभिन्न आंगनबाड़ी केन्द्रों के पर्यवक्षकों, कार्यकर्ताओं तथा सहायिकाओं, एएनएम तथा आशा कार्यकर्ताओं को भी सम्मानित किया गया। धर्मपुर विकास खंड के तहत आंगनबाड़ी पर्यवेक्षक धर्मपुर भूमिका जग्गी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता कुसुम लता, आंगनबाड़ी सहायिका बिमा देवी, एएनएम शांति देवी, आशा कार्यकर्ता पुष्पा देवी को सम्मानित किया गया। इसी प्रकार कुनिहार विकास खंड के तहत आंगनबाड़ी पर्यवेक्षक कुनिहार तारा देवी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता कविता, आंगनबाड़ी सहायिका मंजू देवी, एएनएम संतोष शर्मा तथा आशा कार्यकर्ता रमा शर्मा को सम्मानित किया गया। नालागढ़ विकास खंड के तहत आंगनबाड़ी पर्यवेक्षक नालागढ़ निर्मला देवी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अनीता देवी, आंगनबाड़ी सहायिका ज्ञानो देवी, आशा कार्यकर्ता सावित्री देवी को सम्मानित किया गया। सोलन विकास खंड के तहत आंगनबाड़ी पर्यवेक्षक सोलन सरोज शर्मा, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता रंजना, आंगनबाड़ी सहायिका शीतू, एएनएम प्रदीप कुमार, आशा कार्यकर्ता बबली देवी को सम्मानित किया गया।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा आयुर्वेद मन्त्री डाॅ. राजीव सैजल ने आज यहां अन्तरराष्ट्रीय बालिका दिवस-2020 पर विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली बालिकाओं को सम्मानित किया। दसवीं कक्षा में 95 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल करने के लिए कुमारी कनिष्का, कुमारी तक्षिता व्यास, कुमारी हिमानी, कुमारी छवि वर्मा, कुमारी अमनदीप कौर को सम्मानित किया गया। 12वीं कक्षा में 96 फीसदी से अधिक अंक प्राप्त करने के लिए कुमारी भिवानी चैहान, कुमारी अर्चना देवी कुमारी नमिता, कुमारी अंबिका विक्रम, कुमारी प्राची शर्मा, कुमारी पूनम, कुमारी अदिति को सम्मानित किया गया। निबन्ध लेखन प्रतियोगिता के विजेताओं राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सौर की कुमारी मोनिका वर्मा, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला पट्टा महलोग की कुमारी छवि, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला धुन्दन की कुमारी अंजली, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला क्वारग की कुमारी प्रिया को सम्मानित किया गया। वाद-वादि प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए राजकीय उच्च पाठशाला रौड़ी की कुमारी पलक वर्मा, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला रेडू की कुमारी रानी देवी, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सुबाथू की कुमारी कोमल को सम्मानित किया गया।
रविवार को आंगनबाड़ी केंद्र तेली दाड़लाघाट व आंगनवाड़ी केंद्र बरोग (पारनु) में अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस का आयोजन किया गया।इस अवसर पर एक कुशल लड़की का बल विषय पर बालिकाओं को उनके अधिकारों के संरक्षण एवं उनके समक्ष आने वाली चुनौतियों की पहचान के विषय मेें बताया गया।महिला ही शक्ति है महिला दुर्गा है बस इसी शक्ति का भान होना आवश्यक है। बालिका जन्म,टीकाकरण,स्वास्थ्य,शिक्षा,सुरक्षा हेतु लैंगिक हिंसा,बाल विवाह,लिंग असमानता,घरेलू हिंसा के साथ कानूनी अधिकारों की जानकारी महिलाओं एवं बालिकाओं को होना आवश्यक है। पर्यवेक्षक सुनीता देवी द्वारा बेटी बचाओ,किशोरी स्वास्थ्य प्रजनन शिक्षा,बालिका शिक्षा एवं एनीमिया के संबंध में जानकारी किशोरियों को दी।बार्ड सदस्य ग्राम पंचायत दाड़लाघाट बिमला देवी ने मतदाता जागरूकता के अंतर्गत महिलाओं को समझाया कि महिला मतदाताओं को लोकतंत्र के आधार हेतु मतदान में भागीदारी अवश्य करनी चाहिए।इस अवसर पर आंगनबाड़ी केंद्र में पर्यवेक्षक सुनीता देवी,आंगनवाड़ी कार्यकर्ता संतोष गौतम ललिता,रीता,कृष्णा शर्मा, लीला,बंती देवी,सोमा,निर्मला,चंपा शुक्ला,निशा ठाकुर एवं वार्ड की महिलाएं तथा किशोरी बालिकाएं बड़ी संख्या में उपस्थित रहीं।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने आज यहां अंतर्राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर प्रदेश की बालिकाओं और महिलाओं को बधाई दी और राज्य के लोगों से सामूहिक रूप से समाज में लैंगिक समानता सुनिश्चित करने की दिशा में काम करने और ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ के प्रति दृढ़ प्रतिबद्धता का आह्वान किया। मुख्यमंत्री ने लोगों से आह्वान किया कि हम अंतर्राष्ट्रीय बालिका दिवस पर लड़कियों को एक ऐसा विश्व प्रदान करने का संकल्प लें, जो सुरक्षित, समरूप, प्रगतिशील और अवसरों से भरपूर हो। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार बालिकाओं के कल्याण और विकास के लिए प्रतिबद्ध है और उनके सामाजिक-आर्थिक उत्थान के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं शुरू की गई हैं। जय राम ठाकुर ने कहा कि ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ के अन्तर्गत लड़की के जन्म पर बीपीएल परिवारों को दी जाने वाली एकमुश्त सहायता राशि को 10,000 रूपए से बढ़ाकर 12,000 रूपए किया गया है। मदर टैरेसा असहाय मातृ सम्बल योजना के अन्तर्गत दो बच्चों के पालन-पोषण के लिए प्रदान की जाने वाली सहायता राशि को 4000 रूपए से बढ़ाकर 6000 रूपए प्रति वर्ष प्रति बच्चा किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के अन्तर्गत निराश्रित लड़कियों की शादी के लिए सहायता अनुदान को 40000 रुपये से बढ़ाकर 51000 रुपये किया गया है, जिससे लगभग दस हजार लड़कियां लाभान्वित हुई हैं। उन्होंने कहा कि राज्य में लड़कियों और किशोरियों को सशक्त बनाने और उनके खिलाफ अपराधों पर रोक लगाने के उद्देश्य से सक्षम गुड़िया बोर्ड का गठन किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में 11 साल से 45 साल के मध्य की किशोरियों और महिलाओं को उनके अधिकारों के बारे में जागरूक करने, उनका कौशल विकास करने और उन्हें आर्थिक गतिविधियों से जोड़ने के उद्देश्य से राज्य में सशक्त महिला योजना लागू की गई है। जय राम ठाकुर ने कहा कि महिलाओं के सशक्तिकरण और संरक्षण हेतु नीतियों के सुझाव के लिए मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में महिला कल्याण बोर्ड का पुनर्गठन किया गया है। इसी प्रकार, मुख्यमंत्री बाल उद्धार योजना के अन्तर्गत दूसरी कक्षा से आठवी कक्षा में प्रथम दो स्थान प्राप्त करने वाले बाल एवं बालिका आश्रमों के बच्चों को वित्तीय वर्ष 2019-20 में 10000 रूपए की वार्षिक छात्रवृत्ति प्रदान की गई है।
हिमाचल प्रदेश वर्ष भर मछली की विभिन्न किस्मों को जुटाने के लिए प्रधान मंत्री मत्स्य सम्पदा योजना (पीएमएमएसवाई) के तहत आरएएस तकनीक का उपयोग कर भूमि आधारित मछली पालन शुरू करेगा। राज्य इस योजना के तहत आरएएस तकनीक का उपयोग करते हुए वर्ष 2020-21 से 2024-25 के बीच 15 मछली तालाब स्थापित करेगा। मछली किसानों के पहले बैच को आरएएस प्रौद्योगिकी का उपयोग करके ठंडे पानी की मछली पालन के तहत नवीनतम एक्वाकल्चर तकनीकों में प्रशिक्षण के लिए राष्ट्रीय मत्स्य विकास बोर्ड, हैदराबाद भेजा जाएगा। आरएएस तकनीक मछली की खेती करने का एक नया तरीका है, जिसके अंतर्गत पानी के जलाशयों, खुले टैंकों, तालाबों और नदियों में मछली पालन की पारंपरिक विधि के बजाय नियंत्रित वातावरण में पानी के सीमित उपयोग के साथ इन्डोर टैंकों में मछलियों को पाला जाता है। स्वच्छ पानी की सीमित मात्रा की नियमित आपूर्ति एक नियंत्रित तापमान पर सुनिश्चित की जाती है जो एक बंद और सुव्यवस्थित प्रणाली में विकास के लिए उचित है। यह विधि गर्मियों में पानी की कमी के दौरान राज्य के मछली किसानों के लिए आदर्श है क्योंकि किसान आरएएस प्रौद्योगिकी का उपयोग करके अंतर्देशीय मत्स्यपालन के माध्यम से पानी के कम उपयोग के साथ अपनी आय में वृद्धि कर सकते हैं। कुल 15 मछली फार्मों में से पांच मछली फार्म ऊना, मंडी, कांगड़ा (पालमपुर और पोंग बांध) और सिरमौर जिलों में सामान्य पानी में और दस किन्नौर, सिरमौर, शिमला, मंडी में आरएएस तकनीक के तहत ठंडे पानी के मत्स्य केंद्रों में स्थापित किए जाएंगे। अगले पांच वर्षों के दौरान चंबा और कुल्लू जिलों में एकीकृत और समग्र रूप से राज्य में मछली उत्पादन और उत्पादकता बढ़ाने का लक्ष्य है। यह अनुमान है कि कुल 40 टन प्रति यूनिट वार्षिक मछली उत्पादन सामान्य आरएएस इकाई में प्राप्त किया जाएगा, जबकि ठंडे पानी के आरएएस में चार टन और 10 टन उत्पादन क्षमता इकाइयां हैं, जो महानगरीय शहरों में ट्राउट मछली की बढ़ती मांग को पूरा करेगा और संबंधित क्षेत्रों में अतिरिक्त रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को सृजित करेगा। मत्स्य मंत्री वीरेंद्र कंवर ने कहा कि जब आरएएस प्रौद्योगिकी के तहत सभी 15 मछली फार्मों का संचालन किया जाएगा, राज्य में इस प्रौद्योगिकी के अंतर्गत हर साल लगभग 270 टन मछली का उत्पादन होने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि इंद्रधनुष ट्राउट को ठंडे पानी के आरएएस में जबकि सामान्य पानी में आरएएस पंगासियस, तिलापिया और काॅमन कार्प को पाला जाएगा। प्रारंभ में, कुल्लू, मंडी, चंबा, सिरमौर, शिमला, और किन्नौर जिलों में ठंडे पानी के क्षेत्रों में भूमि आधारित मछली फार्म स्थापित किए जाएंगे और जिला कुल्लू और किन्नौर में दो नए मछली फार्म आरएएस प्रौद्योगिकी के दौरान स्थापित किए जाएंगे। अनुमान है कि पीएमएमएसवाई के तहत अगले पांच वर्षों में राज्य में आरएएस प्रौद्योगिकी के तहत नई भूमि आधारित मछली फार्म स्थापित करने के लिए ढांचागत विकास के लिए 5 करोड़ निजी निवेश प्राप्त होगा। राज्य सरकार आरएएस प्रौद्योगिकी के तहत मछली फार्म स्थापित करने के लिए निजी क्षेत्र को प्रोत्साहन प्रदान करेगी, जिसके तहत सामान्य वर्ग को 40 प्रतिशत की दर से वित्तीय सहायता दी जाएगी जबकि अनुसचित जाति एवं जनजाति और महिलाओं को 60 प्रतिशत सहायता प्रदान की जाएगी। इस पहाड़ी राज्य के विभिन्न क्षेत्रों की स्थलाकृति और भूगोल को ध्यान में रखते हुए पीएमएमएसवाई के तहत 50 लाख रुपये और 20 लाख यूनिट लागत के आरएएस प्रौद्योगिकी मछली फार्म स्थापित करने का प्रस्ताव है। राज्य में मछली को पूरे वर्ष भर पाला जाता है, हालांकि गर्मियों का मससैम मछलियों की वृद्धि के लिए सबसे अनुकूल है। मौसम की स्थितियों के बावजूद आरएएस प्रौद्योगिकी से पूरे वर्ष मछली की वृद्धि को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। आरएएस तकनीक के तहत नए मछली फार्मों से किसानों को पानी के कम इस्तेमाल से साल भर विभिन्न किस्मों की मछलियों के उत्पादन में मदद मिलेगी और साथ ही वे कृषि,घरेलू और सिंचाई के लिए अपशिष्ट जल का पुनः उपयोग भी कर सकेंगे। वीरेंद्र कंवर ने कहा कि नियमित रूप से मछली पालन के दौरान तालाबों या टैंकों से पानी को पूरी तरह से पंप करके फेंकने की जरूरत होती है क्योंकि यह विषाक्त अमोनिया से संतृप्त हो जाता है।
बीo एल सेंट्रल पब्लिक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुनिहार में अध्यापकों और अभिभावकों के लिए ऑनलाइन ईपीटीएम् का आयोजन किया गया I जानकारी देते हुए विद्यालय प्रबंधन समिति अध्यक्ष ने बताया की शिक्षा विभाग के दिशा निर्देशों के मार्ग दर्शन से दिनांक 10-10-2020 को नर्सरी से जमा दो के बच्चों के अभिभावकों की कक्षा बार ऑनलाइन Google Meet के माध्यम से ईपीटीम की गई I विद्यालय के सभी कक्षा प्रभारियों ने कक्षा बार ऑनलाइन Google Meet के माध्यम जुड़कर से शिक्षा संवाद के तहत विचार साँझा किये I अध्यापकों ने कक्षा बार सभी अभिभावकों को बच्चों के SA -1, टर्म-1 परीक्षा परिणाम के रिपोर्ट कार्ड ऑनलाइन के माध्यम से वितरित किये और पीटीएम् के माध्यम से अभिभावकों को बच्चों के परिणाम के लिए सराहना की I अध्यापकों ने सभी अभिभावकों को बच्चों की ऑनलाइन Google Meet से चल रही पढ़ाई, गृह कार्य, गतिविधियों सम्बन्धी जानकारी दी I विद्यालय अध्यक्ष ने बताया की विद्यालय के सभी अध्यापक वर्ग अपनी कड़ी मेहनत और लगातार प्रयासों से बच्चों को ऑनलाइन Google Meet वीडियो कॉल और वाट्सएप के माध्यम से विभिन्न प्रकार की शिक्षण पद्दति को अपनाकर बच्चों की समय सारणी के अनुसार live Classes ले रहे है और शिक्षण सामगी भी दे रहे है I विद्यालय अध्यक्ष ने नवमीं से बारहवीं तक के छात्रों के सभी अभिभावकों को जानकारी देते हुए यह भी बताया की यदि कोई छात्र व् छात्रा विद्यालय में आकर अध्यापक से किसी विषय पर सलाह लेना चाहते हे तो वे छात्र अपने अभिभावकों का सहमति पत्र साथ लेकर विद्यालय आयें I अभिभावकों ने अध्यापकों के समक्ष अपने सुझाव भी व्यक्त किये जिसका विद्यालय अध्यापकों द्वारा समाधान किया गया I ईपीटीम के दौरान पी टी ए अध्यक्ष रतन तंवर , पी टी ए के के सदस्य हेमंत मीना , रंजना, हितेश शर्मा , पी टी ए सचिव शिवानी शर्मा , मीरा कौशल, विद्यालय समन्वयक रामेश्वर कुमार, विद्यालय कार्यवाहक प्रधानाचार्य पुर्शोतम लाल, उप-प्रधानाचार्य किरण जोशी, मुख्याध्यापिका सुषमा शर्मा ने भी इस ईपीटीएम् के दौरान सभी अभिभावकों से विचार साँझा किये और ईपीटीएम् से जुड़ने के लिए, अपना सहयोग देने के लिए सभी अभिभावकों का धन्यवाद व्यक्त किया I मुख्याध्यापिका सुषमा शर्मा ने बच्चों को इस महामारी के चलते बताया की अभी इसी ऑनलाइन माध्यम से शिक्षा दी जाएगी परन्तु सभी बच्चे अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखें और google meet कक्षा के दौरांन अनुशासन रखें I सभी अभिभावकों ने विद्यालय प्रबंधन और विद्यालय के सभी अध्यापकों की ऑनलाइन Google Meet वीडियो कॉल से पढ़ाई व् ऑनलाइन परीक्षा के संचालन, विद्यालय के कार्यों और सुविधायों की प्रशंसा की है I उन्होंने कहा की सभी अध्यापक बच्चों को पढ़ाई करवाने के लिए अथक प्रयास कर रहे है I इस ऑनलाइन ईपीटीम में लगभग 430 से ऊपर अभिभावकों ने भाग लिया I यह ईपीटीम सुचारू रूप से सम्पन्न हुई I
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा आयुर्वेद मन्त्री डाॅ. राजीव सैजल ने कहा कि महिला शक्ति समाज का आधार है और महिला तथा पुरूष के सामजस्य एवं संतुलन के साथ ही समग्र विकास की परिकल्पना को साकार किया जा सकता है। डाॅ. सैजल आज यहां अन्तरराष्ट्रीय बालिका दिवस-2020 पर आयोजित कार्यक्रम के अवसर बतौर मुख्यातिथि सम्बोधित कर रहे थे। डाॅ. सैजल ने कहा कि लड़कियों को उचित शिक्षा प्रदान करना, संतुलित आहार प्रदान कर उनके स्वास्थ्य को ठीक रखना तथा उन्हें सुरक्षा प्रदान करने के साथ-साथ लड़कियों को आत्म सुरक्षा में निपुण बनाना हम सबका उत्तरदायित्व हैं। उन्होंने कहा कि इस दिशा में प्रदेश सरकार पुलिस बल एवं विभिन्न विभागों के सहयोग से कार्यक्रम कार्यान्वित कर रही है। इन कार्यक्रमों में लड़कियों की सक्रिय भूमिका बढ़ाकर हम सफल हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि चाहे राफेल लड़ाकू विमान उड़ाना हो या भारतीय सेना व अर्धसैनिक बलों में सक्रिय भूमिका निभानी हो हर क्षेत्र में महिलाएं पुरूषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चल रही हैं। उन्होंने कहा कि इस बात के अनेक उदाहरण दिए जा सकते हैं कि महिलाएं पुरूषों से कम नहीं है अपितु पुरूषों से बढ़कर हैं। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय स्तर से लेकर प्रतियोगी परीक्षाओं तथा कामकाज के विभिन्न क्षेत्रों में महिलाएं अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाती आ रही हैं। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ने कहा कि परिवारों को बालिकाओं के सम्मान को समझना होगा तथा उन्हें समाज में उचित स्थान दिलाने के लिए प्रयास करने होंगे। बालिकाओं के प्रति समाज में व्यवहार परिवर्तन पर चर्चा की आवश्यकता है। अपनी बेटी व दूसरे की बेटी में फर्क करने वाली धारणाओं पर चिंतन करने की आवश्यकता है। इसके लिए अभिभावकों को अपने बेटों को भी सही संस्कार प्रदान करने होंगे ताकि वे बालिकाओं का सम्मान करना सीखें और समाज में बालिकाओं के प्रति बढ़ रही घटनाओं पर अंकुश लग सके। उन्होंने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित किए जा रहे इस प्रकार के कार्यक्रम सराहनीय है। उन्होंने कहा कि विभागीय अधिकारी अपने प्रयासों में तेजी लाएं और ऐसे कार्यक्रमों का समाज पर क्या सकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है इसका भी समय-समय पर अनुश्रवण करें। उन्होंने कहा कि समान लिंगानुपात के लिए समय-समय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाने चाहिएं। उन्होंने कहा कि सोलन जिला में सरकारी प्रयासों तथा आमजन के सहयोग से लिंगानुपात में बढ़ोत्तरी हुई है। उन्होंने कहा कि इस दिशा में विभिन्न राज्य सरकारों तथा प्रदेश के जिलों में किए जा रहे कार्यों पर अमल करना आवश्यक है। आयुर्वेद मन्त्री ने कहा कि समाज की नींव पक्की करने के लिए के लिए पोषण अभियान कार्यान्वित किया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच के फलस्वरूप पोषण अभियान को जन आंदोलन बनाने के लिए ‘हर घर पोषण त्यौहार’ आयोजित किया गया जिसमें महिलाओं के संतुलित आहार पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के नेतृत्व में महिलाओं के उत्थान के लिए विभिन्न कार्यक्रम कार्यान्वित किए जा रहे हैं। हिमाचल गृहिणी सुविधा योजना के तहत राज्य में सभी महिलाओं को रसोई गैस कुनैक्शन उपलब्ध करवाए गए हैं। योजना से महिलाओं को जहां लकड़ी एकत्र करने से छुटकारा मिला है वहीं धुएं से स्वास्थ्य पर पड़ने वाले विपरीत असर से भी निजात मिली है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री स्वावलम्बन योजना के तहत महिलाओं को भी स्वावलम्बी बनाने के प्रयास किए जा रहा है। योजना के तहत महिलाओं को उद्यम स्थापित करने के लिए 30 प्रतिशत तक उपदान प्रदान किया जा रहा है। विधवाओं के लिए यह उपदान दर 35 प्रतिशत है। डाॅ. सैजल ने इस अवसर पर बेटी बचाओ बेअी पढ़ाओ योजना के अन्तर्गत अभिनव पहल ‘मुहिम’ पत्रिका तथा बालिका जन्मोत्सव कैलेंडर का भी अनावरण किया। उन्होंने बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत स्थापित हस्ताक्षर पट्ट पर भी हस्ताक्षर किए। डाॅ. सैजल ने इस अवसर पर बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ की शपथ भी दिलाई। इस अवसर पर चिकित्सा अधिकारी डाॅ. मुक्ता रस्तोगी ने पूर्व गर्भाधान व प्रसव पूर्व निदान तकनीक (पीएनडीटी)अधिनियम की विस्तृत जानकारी प्रदान की। बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष विजय लांबा ने यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण करने संबंधी (पोस्को) अधिनियम की जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर आंगनबाड़ी वृत्त कुुमारहट्टी की कार्यकर्ताओं व सहायिकाओं ने बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ पर रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया। जिला कार्यक्रम अधिकारी सुरेंद्र कुमार तेगटा ने मुख्यातिथि का स्वागत करते हुए विभागीय गतिविधियों की जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर राज्य खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरूषोत्तम गुलेरिया, सोलन विधानसभा क्षेत्र से भाजपा के उम्मीदवार रहे डाॅ. राजेश कश्यप, बघाट बैंक के अध्यक्ष पवन गुप्ता, भाजयुमो सोलन के अध्यक्ष नरेंद्र ठाकुर, जिला परिषद सदस्य शीला, भाजपा जिला महामंत्री नंदराम कश्यप, भरत साहनी, भाजपा मंडल सोलन के अध्यक्ष मदन ठाकुर, उपाध्यक्ष चंद्रकांत शर्मा, व्यापार मंडल के पूर्व अध्यक्ष मुकेश गुप्ता, व्यापार प्रकोष्ठ सोलन के सदस्य सतीश गोयल, ग्राम पंचायत शामती के प्रधान संजीव सूद, ग्राम पंचायत सलोगड़ा के पूर्व प्रधान कांति स्वरूप, भाजपा जिला कार्यकारिणी सदस्य सुनील ठाकुर उपमंडलाधिकारी सोलन अजय कुमार यादव, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. राजन उप्पल, जिला शिक्षा अधिकरी चंद्रमोहन शर्मा, सभी विकास खंडों के सीडीपीओ, पर्यवेक्षक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता तथा सहायिकाएं इस अवसर पर उपस्थित थीं।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य व पूर्व उद्योग मंत्री व श्री नयना देवी जी विधानसभा क्षेत्र के विधायक राम लाल ठाकुर ने प्रधानमंत्री के उस वक्तयव पर निशाना साधा है जिसमे उन्होंने कहा था कि "सौगंध मुझे इस माटी की मैं देश नहीं बिकने दूँगा" उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार कई सरकारी कंपनियों में हिस्सा बेच चुकी है। इसके अलावा एलआईसी सहित कुछ कंपनियों में हिस्सा बेचने की तैयारी है, जबकि कुछेक अन्य कंपनियों में आने वाले समय मे हिस्सा बेचा जाएगा। ऐसे में केंद्र सरकार के मंत्री यह कि कह चुके हैं कि 20 सीपीएसई (केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्रक उद्यम) और उनकी इकाइयों में हिस्सेदारी बेची जाएगी और इसके अतिरिक्त 6 कंपनियों को बंद करने पर विचार हो रहा। उन्होंने केंद्र सरकार से पूछा कि केंद्र सरकार अगर हिस्सेदारी बेच कर विनिवेश की नीति फॉलो कर रही तो इससे नुकसान तो देश का हो रहा है और देश की आमजनता का हो रहा है। जिससे एक तो लोग बेरोजगार हो रहे हैं और देश की कंपनियों की नियंत्रण निजी हाथों ने जा रहा है। उन्होंने प्रश्न खड़ा करते हुए केंद्र सरकार से पूछा कि क्यों नीति आयोग ने वर्ष 2016 में 34 विनिवेश (कंपनियों में हिस्सेदारी बेचना) मामलों को मंजूरी दी गई थी और दूसरी तरफ नीति आयोग के अध्यक्ष देश के प्रधानमंत्री कह रहे है कि मैं देश नहीं बिकने दूंगा। उन्होंने कहा कि क्यों सीपीएसई को बंद करने पर विचार या लिटिगेशन में हैं उनमें हिंदुस्तान फ़्लोरोकार्बन लिमिटेड, स्कूटर इंडिया, भारत पंप्स एंड कंप्रेशर्स लिमिटेड, हिंदुस्तान प्रीफ़ैब, हिंदुस्तान न्यूज़प्रिंट और कर्नाटक एंटीबायोटिक्स एंड फ़ार्मास्युटिकल्स लिमिटेड शामिल को बंद करने की बात की जा रही है और जो यूनिट्स लेनदेन या बेचे जाने की प्रक्रिया में हैं उनमें प्रोजेक्ट एंड डेवलपमेंट इंडिया लिमिटेड, इंजीनियरिंग प्रोजेक्ट (इंडिया) लिमिटेड, ब्रिज एंड रूफ सीओ इंडिया लिमिटेड, सीमेंट कॉरपोरेशन ऑफ़ इंडिया लिमिटेड (सीसीआई), सेंट्रल इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड, भारत अर्थ मूवर्स लिमिटेड (बीईएमएल), फेरो स्क्रैप निगम लिमिटेड और एनएमडीसी का नगरनार स्टील प्लांट शामिल है। इसके अलावा एलॉय स्टील प्लांट (दुर्गापुर), सलेम स्टील प्लांट, सेल की भद्रवती यूनिट्स, पवन हंस, एयर इंडिया और इसकी पांच सहायक और एक जेवी (जॉइंट वेंचर) भी बिकवाली प्रोसेस में हैं। इसके अलावा एचएलएल लाइफ केयर लिमिटेड, इंडियन मेडिसिन एंड फार्मास्युटिकल्स कॉर्पोरेशन लिमिटेड, भारतीय पर्यटन विकास निगम (आईटीडीसी) की कई यूनिट्स, हिंदुस्तान एंटीबायोटिक्स, बंगाल केमिकल्स एंड फार्मास्युटिकल्स, भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (नुमालीगढ़ रिफाइनरी लिमिटेड को छोड़कर), नुमालीगढ़ रिफाइनरी में भारत पेट्रोलियम की हिस्सेदारी किसी सीपीएसई को बिकेगी, शिपिंग कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया, कंटेनर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया और नीलाचल इस्पात निगम लिमिटेड में भी केंद्र सरकार अपना हिस्सा घटा रही है या बेचने की तैयारी में है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि मैंने यह बात तथ्यों पर आधारित आंकड़ो पर रखी है और देश को नहीं बिकने देने वाली बात का स्पष्टीकरण भाजपा के नेताओं को देना होगा कि आखिर कब तक आप देश की जनता के आगे झूठ बोलोगे।
सर्वधर्म समभाव राष्ट्रीय मंच की बैठक का आयोजन राष्ट्रीय कार्यालय बिलासपुर में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सर्वधर्म समभाव राष्ट्रीय मंच के संस्थापक निर्मला राजपूत द्वारा की गई। जिसमें विशेष रुप से सर्वधर्म समभाव राष्ट्रीय मंच महिला मोर्चा के राष्ट्रीय महासचिव जसविंदर कौर ने शिरकत की। हिमाचली परंपरा अनुसार सर्वधर्म समभाव राष्ट्रीय मंच के पदाधिकारियों ने हिमाचली टोपी हिमाचली शॉल एवं स्मृति चिन्ह देकर मुख्य अतिथि को सम्मानित किया। इस मौके पर निर्मला राजपूत एव रेखा बिष्ट ने बताया कि बताया कि सर्वधर्म समभाव राष्ट्रीय मंच की स्थापना 9 नवंबर 2016 को हिमाचल के जिला बिलासपुर से हुई थी। पिछले कई वर्षों से सर्व धर्म समभाव राष्ट्रीय मंच सामाजिक कुरीतियों को जड़ से उखाड़ने के लिए विभिन्न सामाजिक संस्थाओं के साथ कंधे से कंधा मिलाकर सक्रिय कार्य कर रहा है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में सर्वधर्म समभाव राष्ट्रीय मंच लगभग 17राज्यों में कार्य कर रहा है। इस मौके पर मुख्य अतिथि महिला मोर्चा के राष्ट्रीय महासचिव जसविंदर कौर ने बताया कि सर्वधर्म समभाव राष्ट्रीय मंच का मुख्य उद्देश्य देश की उन्नति एवं राष्ट्र हित के लिए जातीय भेदभाव को खत्म कर आपस में भाईचारा पैदा करना व इंसानियत धर्म का संचार करना है। उन्होंने बताया कि भारत देश के महिला मोर्चा के राज्य इकाइयां बनाई जाएंगी। इस मौके पर अनीता शर्मा, रीना ठाकुर, शीतल, ठाकुर रजनी बाला, किरण शर्मा, मंजू कंसल पदाधिकारी मौजूद रहे।
बिलासपुर में कहलूर सेवा विकास संस्थान द्वारा बच्चों को खेलों से जोड़ने के लिए किए जा रहे प्रयास वर्तमान में इसलिए भी जरूरी है, क्योंकि युवा पीढ़ी अब नशे की ओर ज्यादा आकर्षित हो रही है तथा अपना भविष्य ही नहीं बल्कि जीवन भी बर्बाद कर रही है। बच्चा जब मैदान से जुड़ता है तो उसमें भाईचारा व एकता जैसे संस्कार अपने आप आ जाते हैं। यह बात बिलासपुर में कहलूर सेवा विकास संस्थान के प्रयासों का अवलोकन करने पहुंचे सीआरपीएफ-51 बटालियन चंडीगढ़ के कमांडेट निसार मोहम्मद ने कहीं। उन्होंने कहा कि संस्था ने जो बीड़ा उठाया है वह काबिले तारीफ है। नगर के डियारा सेक्टर स्थित माध्यमिक पाठशाला के खेल मैदान में शनिवार के सांध्यकालीन सत्र में अंतराष्ट्रीय व राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों ने शिरकत की तथा बच्चों को खेलों के बारे में अपने अनुभव सांझा किए तथा महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की। अंतराष्ट्रीय हैंडबाल खिलाड़ी एवं डिप्टी कमाडेंट सीआरपीएफ-133 बटालियन रांची हमीद खान ने बच्चों को खेलों और खिलाड़ियों के खानपान के टिप्स दिए। उन्होंने कहा कि बच्चों को अपने जीवन में एक खेल को चुनना होगा, ताकि उसी पर अपना सारा ध्यान और प्रेक्टिस केंद्रित कर लक्ष्य का प्राप्त किया जा सके। हमीद खान ने कहा कि मौजूदा दौर प्रतिस्पर्धा का है, खिलाड़ियों को चाहिए कि मैदान में खूब मेहनत करें और ऐसा कमाल करें कि उनके साथ देश का नाम भी रोशन हो। ऊना जिला से ताल्लुक रखने वाले हैंडबाल के राष्ट्रीय खिलाड़ी रेहान दूबे ने बच्चों से खूब बातचीत की और उन्हें फिट रहने रहने के टिप्स भी दिए। उन्होंने कहा कि बिलासपुर खेलों के नाम से जाना जाता है, तथा एक बार फिर से नई पीढ़ी को खेलों से जोड़ने का प्रयास अनुकरणीय है। उन्होने कहा कि प्रतिभावान इन बच्चों की जो भी मदद होगी की जाएगी। इस मौके पर कहलूर सेवा विकास समिति के प्रधान सन्नी कुमार ने तीनों अंतराष्ट्रीय व राष्ट्रीय खिलाड़ियों का स्वागत किया तथा खिलाड़ियों की हौंसला अफजाई और प्रेरणा देने के लिए आभार व्यक्त किया। गौरतलब है कि मेजर ध्यान चंद जयंती से संस्था द्वारा बच्चों को खेलों से जोड़ने की शुरूआत की है जो लगातार जारी है। बच्चों को खेलता देख अभिभावकों में भी प्रसन्नता की लहर है। इस कार्यक्रम में सस्था की ओर से अजय राणा, दिनेश कुमार, अनिकेत कल्याण, रजत कुमार, स्टार्क, मनीश कुमार आदि मौजूद थे।
कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय सचिव राजेश धर्माणी ने प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी से आग्रह किया है कि वे बेशक जितना चाहें अपनी विरोधी पार्टियों की निंदा-आलोचना अवश्य करें, किन्तु उन्हें विरोध पक्ष के नेताओं से बहुत कुछ सीखना अपने व देश हित्त में रहेगा। राजेश धर्माणी ने कहा कि इतिहास गवाह है कि भारत की आजादी की लड़ाई में निरंतर 16 वर्षों तक जेल की कठिन यातनाएं सहने वाले देश के प्रथम प्रधान मंत्री जवाहर लाल नेहरू का संबंध इलाहबाद के बहुत ही धनाड्य परिवार से था । उनके पिता राष्ट्रीय स्तर के बहुत बड़े वकील थे । उनके परिवार का रहन-सहन शाही ठाठबाठ व भारी खर्चों पर आधारित था । उनके परिवार के कपड़े तक विदेशों से प्रेस होकर आया करते थे । किन्तु आजादी कि लड़ाई में कूद कर सार्वजनिक और राजनैतिक क्षेत्र में आते ही जवाहरलाल नेहरू ने इन सभी एशोआराम का त्याग करके महात्मा गांधी के आह्वान पर केवल सूत के बने खादी वस्त्र पहनने आरंभ कर दिये थे, जिस स्वभाव को उन्होने प्रधान मंत्री बनने के बाद भी नहीं छोड़ा था । राजेश धर्माणी ने आश्चर्य व्यक्त किया कि नेहरू-गांधी परिवार को अपने आड़े –तिरछे हमलों का शिकार बनाने वाले प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी अपने आप को कभी चाय वाला तो कभी चौकीदार कहते हैं । किन्तु विश्व के सबसे समृद्ध व शक्तिशाली अमेरिका के राष्ट्रपति वाली सुविधाओं वाला अपने लिए 8,500 हज़ार करोड़ रुपए का हवाई जहाज खरीदते हैं । जबकि 10 लाख रुपए का विदेशों से मंगवाया गया सूट पहनते हैं । राजेश धर्माणी ने प्रधानमंत्री का ध्यान उनकी विदेश यात्रों की ओर खींचा जिन पर केवल कथित अपनी वाहवाही के लिए 580 करोड़ रुपए की राशि व्यय कर दी गई और इससे भी कई गुना राशियां उनका स्वागत करने वाले देशो को अनुदान के रूप में देने की घोषणा कर दी गई ।राजेश धर्माणी ने पूछा कि जिस देश की फौज बार- बार दो आक्रामक देशों से घिरे भारत देश को सुरक्षित रखने के लिए आधुनिक जहाजों, आधुनिक गोला –बारूद और सेफ़्टी जैकेट के अभाव को समाप्त करने की वर्षों से मांग कर रही हो, क्या उस देश के प्रधान मंत्री को इस प्रकार की फिजूल खर्ची शोभा देती है ।
कांग्रेस पार्टी के नेता व सदर बिलासपुर के पूर्व विधायक बंबर ठाकुर ने राज्य सरकार एवं मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से कोविड-19 महामारी के निरंतर बढ़ रहे प्रकोप की ओर विशेष ध्यान देने और इस पर शीघ्र अति-शीघ्र रोक लगाने के लिए विशेषज्ञों की बैठक आयोजित करने की मांग की है ताकि एक विस्तृत व्यवहार प्रणाली निश्चित करके उसे सख्ती से लागू किया जा सके और हर रोज कोरोना के कारण हो रही मौतों को रोका जा सके । रविवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए बंबर ठाकुर ने कहा कि उनकी सूचनाओं के अनुसार हालांकि केंद्र सरकार ने इस महामारी का मुक़ाबला करने के लिए अथवा इससे पीड़ित रोगियों के उचित इलाज के लिए सभी आवश्यक साधन व सुविधाएं उपलब्ध कारवाई हैं, किन्तु फिर भी इलाज के दौरान भारी अनियमितताओं, कुप्रबन्ध व अव्यवस्थाओं के कारण मौतों के मामले निरंतर बढ़ते चले जाने के समाचार हैं, जो सभी के लिए चिंता का विषय है। बंबर ठाकुर ने कहा कि ऐसे भी आरोप लग रहे हैं और शिकायतें मिल रही है कि अस्पतालों में सरकार द्वारा सभी सुविधाएं उपलब्ध करवाए जाने के बावजूद भी स्वास्थ्य विभाग का कुछ स्टाफ अपना दाईत्व निभा पाने में आना-कानी कर रहा है, जो व्यवहार रोगियों पर भारी पड़ रहा है। अस्पतालों में रोगियों की देख-भाल सुनिश्चित बनाने के लिए स्टाफ की कोई चेकिंग भी नहीं हो रही है । जिस कारण कुछ लोग अपने दायित्वों से विमुख हो रहे हैं, जो और भी अधिक चिंता का विषय बनता जा रहा है। बंबर ठाकुर ने कहा कि यह विषय केवल बिलासपुर में ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश की चिंता का कारण बन गया है, जिस व्यवस्था को सुधारना सरकार के अपने हित्त में भी है । बंबर ठाकुर ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से मांग की है कि इस विषय पर गंभीरता दिखाते हुए श्वेत पत्र जारी करके सारी स्थिति स्पष्ट की जाये और प्रदेश के लोगों को विश्वास में लिया जाये कि केंद्र सरकार से कोरोना का मुक़ाबला करने के लिए प्रदेश सरकार को कब- कब कितना- कितना धन प्राप्त हुआ है तथा कितने पी पी ई किट , वेंटीलेटर व अन्य संबन्धित सामाग्री प्राप्त की है और उसे प्रदेश के किस - किस अस्पताल में उपलब्ध करवा कर कोविड-19 के रोगियों का इलाज संभव किया है ।
जन कल्याण समिति मांझू पलोग राहू का एक प्रतिनिधि मंडल भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप से प्रदेश कार्यालय दीप कमल चक्कर शिमला में मिला उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष सुरेश कश्यप को अपने क्षेत्र की समस्याओं से अवगत करवाया और साथ ही पुणे एक ज्ञापन भी सौंपा। इस प्रतिनिधि मंडल की अध्यक्षता जन कल्याण समिति के महासचिव कृष्ण चंद्र शर्मा ने की उन्होंने बताया कि पलोग पंचायत अर्की से मंजू गांव तक जो रास्ता जाता है वहां कमेटी स्वयं ही कचरा फेंक देती है जिससे वहां की जनता को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। उन्होंने बताया कि इस क्षेत्र में मेट्रो नाला में काफी सीवरेज की समस्या भी है जिसके कारण पीलिए की गंभीर समस्या हल लोगों को गिरफ्तार कर सकती है पहले एक बार जब हेपेटाइटिस के मामले बढ़े थे तब आईपीएच महकमे ने नई पाइप लाइन यहां डाली थी पर फिर भी उसके टूटने का भाई जनता को लगता है। समिति ने मांग की कि मटरू नाला में एक चेक डैम लगाया जाए जिससे जनता आने वाले समय में सुरक्षित रहें। साथ ही समिति ने बथालंग से पलोग तक का जो संपर्क मार्ग है जो हर चीज से मिलता है उसको पीडब्ल्यूडी के हवाले कर दिया जाए जिसकी आने वाले समय में रखरखाव पीडब्ल्यूडी डिपार्टमेंट करें। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद सुरेश कश्यप ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया है कि इन सभी समस्याओं पर शीघ्र ही कार्यवाही की जाएगी।
ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) बेहद कारगर सिद्ध हो रहा है। महिला सशक्तिकरण का अभिप्राय जीवन के विविध क्षेत्रों में महिलाओं द्वारा निर्णय प्रक्रिया में साझेदारी से है। इससे सामाजिक, आर्थिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक इत्यादि सभी विषयों में महिलाओं की स्थिति में परिवर्तन होता है। स्वयं सहायता समूहों के गठन से ग्रामीण महिलाओं के जीवन स्तर में परिवर्तन तो होता ही है और आत्मनिर्भरता भी बढ़ती है। ये समूह महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के अलावा उनमें समग्र जागरूकता के विकास में भी अहम भूमिका निभा रहे हैं जिससे उनका सामाजिक, आर्थिक व वैयक्तिक सशस्तीकरण हो रहा है। समूह के गठन से पहले जिला सिरमौर के उपमंडल राजगढ़ की करगाणू पंचायत के गांव पलाशला की महिलाएं पारम्परिक खेती-बाड़ी, पशुपालन और घर के कामों में व्यस्त रहती थी। पहले, भारत सरकार द्वारा ग्रामीण महिलाओं के लिए चलाई जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी न होने से गांव की महिलाएं सरकारी योजनाओं के लाभ से भी वंचित रहती थी, लेकिन अब गावं की महिलाएं स्वयं सहायता समूह से जुड़ कर आर्थिक रूप से आत्म-निर्भर बन रही हैं। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत वर्ष 2014 में जिला सिरमौर के विकास खण्ड राजगढ़ द्वारा शिवजी स्वयं सहायता समूह पलाशला का गठन किया गया था। इस समूह के गठन के बाद विकास खण्ड राजगढ़ द्वारा वर्ष 2014-15 में समूह को हिमाचल प्रदेश सहकारी बैंक सीमित यशवन्तनगर से 1 लाख 50 हजार रूपये का ऋण उपलब्ध करवाया गया था जिससे समूह ने सब्जियों के उन्नत बीज खरीद कर विभिन्न प्रकार की सब्जियाॅं तैयार की तथा इन सब्जियों की बिक्री से अच्छे दाम मिलने से समूह को अच्छा लाभ भी हुआ। आमदनी अच्छी होने से समूह द्वारा बैंक से लिए गए ऋण की राशि को ब्याज सहित समय पर जमा भी किया गया। इसी प्रकार, वर्ष 2016-17 में समूह ने दोबारा बैंक से 2 लाख रूपये का ऋण सब्जी उत्पादन के लिए लिया और इस ऋण राशि को भी ब्याज सहित निर्धारित समय पर वापिस किया गया। इसके पश्चात् वर्ष 2018-19 में तीसरी बार बैंक से 2 लाख 80 हजार रूपये का ऋण सब्जी उत्पादन के लिए लिया और उन्नत किस्म के सब्जियों के बीज खरीद कर सब्जियाॅं तैयार कर अच्छी आय अर्जित की गई और समूह द्वारा बैंक से ली गई इस ऋण राशि को भी समय पर जमा किया गया। खण्ड विकास अधिकारी राजगढ़ रमेश शर्मा ने बताया कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अन्तर्गत जिला सिरमौर के विकास खण्ड राजगढ़ की पंचायत के पलाशला गांव के शिवजी स्वयं सहायता समूह पलाशला को अब तक 6 लाख 30 हजार रूपये के ऋण सस्ती ब्याज दरों पर बैंक के माध्यम से विभिन्न कृषि उत्पाद व अन्य गतिविधियों के क्रियान्वयन के लिए उपलब्ध करवाई गई है। उन्होंने बताया कि इस मिशन के तहत प्राप्त ऋण राशि की सहायता से शिवजी स्वयं सहायता समूह पलाशला की ग्रामीण महिलाओं का आर्थिक जीवन भी सुदृढ़ हो रहा है। समूह की महिलाओं का कहना है कि समूह के गठन से पूर्व उनकी आर्थिक स्थिति इतनी खराब थी कि वे समय पर बीज नहीं खरीद पाते थे और उन्हें सब्जियाॅं व फसल इत्यादि लगाने में देरी हो जाती थी जिसके कारण समय पर फसल तैयार न होने से उन्हें उचित दाम भी नहीं मिल पाते थे। स्वयं सहायता समूह से जुड़ने के बाद शिवजी स्वयं सहायता समूह पलाशला की ग्रामीण महिलाएं काफी खुश हैं। अब इस समूह को प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी समय-समय पर मिलती रहती है और समूह के सदस्य हर महिने अपनी क्षमता के अनुसार बचत भी जमा करती हैं और उसी बचत राशि को वह अपनी आवश्यकता की पूर्ति के लिए खर्च करती हैं। शिवजी स्वयं सहायता समूह पलाशला की सचिव सीमा देवी ने बताया कि समूह द्वारा समूह की तीन महिलाओं को मकान निर्माण के लिए 2 लाख 50 हजार रूपये की धन राशि दी गई है जिनमें कौशलय देवी को एक लाख 50 हजार रूपये, धामला देवी को 70 हजार रूपये तथा शीला देवी को 30 हजार रूपये की राशि कम ब्याज दर पर मकान बनाने के लिए दी गई है। अब इन महिलाओं ने इस धन राशि से अपना-अपना मकान भी तैयार कर लिया है। उनका कहना है कि समूह के अन्य सदस्यों को भी उनकी जरूरत के अनुसार धन राशि उपलब्ध करवाई जाती है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) से जुड़ने के बाद उनकी सामाजिक व आर्थिक स्थिति में परिवर्तन तो हुआ ही है तथा आर्थिक स्थिति में सुधार होने से उनके गृहस्थ जीवन की गाडी भी पटरी पर सुगमता पूर्वक चल रही है। शिवजी स्वयं सहायता समूह पलाशला ने समूह को बैंकों से कम ब्याज दरों पर ऋण उपलब्ध करवाने के लिए देश के प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी तथा प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री जय राम ठाकुर जी का आभार व्यक्त किया है।
श्री साई अस्पताल नाहन ने एक और र्कीतीमान कर दिखाया है। कोरोना संकट में भय और असुरक्षा के माहौल से जूझ रहें लोगों के लिए नाहन में पहली निजि कोविड टैस्ट लैब को स्थापित किया गया है। जिसको भारतीय आर्युविज्ञान अनुसंधान परिषद द्वारा टैस्ट करने हेतु स्वीकृति भी दे दी गई है। जानकारी देते हुए अस्पताल के उपचिकित्सक अधिकारी प्रमोद रेढू ने बताया कि कोरोना के बढ़ते खतरे को देखते हुए लोगों की सुविधा के लिए श्री सांई अस्पताल ने कोविड टेस्ट लैब स्थापित करने का फैसला लिया है। जिसको मात्र 15 दिनों में ही तैयार करवाया गया है। श्री सांई कोविड टैस्ट लैब को नाहन रोड पर श्री साई अस्पताल से मात्र कुछ ही दूरी पर स्थापित किया गया है। कुछ ही घंटों में मिलेगी रिपोर्ट जानकारी देते हुए अस्पताल के डीएमएस प्रमोद ने बताया कि इस लैब की खास बात ये है कि इस लैब में टैस्ट की रिपोर्ट मात्र एक या दो घंटे में प्राप्त हो सकेगी। इसके अलावा किसी आपातकालीन परिस्थिति में रिपोर्ट मात्र 20 मिनट में भी उपलब्ध करवाई जा सकेगी। जिससे व्यक्ति का समय व डॉक्टर का समय भी बचेगा। इसके अलावा उक्त व्यक्ति का उपचार समय रहते शुरू किया जा सकेगा। मोबाइल सेंपलिग से घर बैठे करवा सकते है टेस्ट इस लैब के लिए श्री सांई अस्पताल द्वारा विशेष तौर पर एक मोबाइल सेंपलिंग टीम का गठन किया गया है, जिसमें करीब 10 से 15 कर्मचारियों को सेंपल केलेक्शन के लिए प्रशिक्षित किया गया है। इस टीम को संचालित करने का कार्यभार मार्कटिंग मेनेजर लक्ष्य बंसल को दिया गया है। इस बारे में जानकारी देते हुए मार्कटिंग मेनेजर लक्ष्य बसंल ने बताया कि यदि कोई व्यक्ति लैब में पहुंच कर सेंपल नही देना चाहता उसके लिए वहर इस मोबाइल सेंपलिग केलेक्शन टीम के के माध्यम से फोन पर टैस्ट करवाने के लिए बुकिंग कर सकता है, जिसके बाद टीम का मेंबर घर पर जाकर ही सेंपल लेगा व उसे सुरक्षित लेब तक पहुंचाएगा। जिसके एक या दो घंटे बाद व्यक्ति को ऑनलाइन रिपोर्ट उपलब्ध करवा दी जाएगी। हिमकेयर व आयुष्मान कार्ड भी रहेगा विकल्प उन्होने बताया कि श्री साई अस्पताल की इस कोविड लैब में गरीब तबके के लोग हिमकार्ड व आयुष्मान कार्ड के माध्यम से कोरोना का टैस्ट करवा सकते है। जिससे उनका टैस्ट निशुल्क ही किया जाएगा। सुरक्षित वातावरण व बायोसेफ्टी किट भी उपलब्ध जानकारी देते हुए श्री रेढू ने बताया कि लैब में कर्मचारियों व लोगों की सुरक्षा के लिए संपूर्ण प्रबंध किए गए है। इस लैब में क्लास 2 केटेगरी की बायोसेफ्टी किट रखी गई है, जोकि 0.01 फीसदी तक वायरस का सक्रंमण रोकने में सक्षम है। इसके अलावा लैब को पूर्णत सुरक्षित वातावाण में तैयार किया गया है। इस लैब में कोविड टैस्ट आरटीपीसीआर के साथ-साथ एंटीजन व ऐटीबॉडी टैस्ट भी किए जा सकेंगें। इस लैब के माध्यम से जिला सिरमौर के किसी भी इलाके से लोग घर बैठें कोविड टैस्ट की सेंपलिंग करवाकर मात्र एक या दो घंटो में रिर्पोट प्राप्त कर सकते है। फोटो कैप्शन, श्री साई अस्पताल नाहन की कोविड लैब की जानकारी देते हुए उपचिकित्सक अधिकारी प्रमोद रेढू।
पालमपुर तहसील के राजपुर गांव के मंजीत कुमार का चौधरी सरवण कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर में सब्जेक्ट मैटर स्पेशलिस्ट (वेटनरी एन्ड एनिमल हस्बेंडरी साइंस) के पद पर चयन हुआ है। उन्होंने चौधरी सरवण कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर से बेचलर इन वेटनरी साइंस की पढ़ाई करने के बाद आईवीएआरआई से इन वेटनरी साइंस में मास्टर डिग्री हासिल की है।
पालमपुर को केंद्रीय कृषि विवि बनाने को लेकर एग्रीकल्चर सांइटिस्ट फोरम ने कवायद तेज कर दी है। फोरम की ओर से गठित कमेटी ने भारतीय सरकार को अपनी सिफारिशें भी भेज दी हैं। उत्तर पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र के मध्य में पालमपुर का स्थित होना आधारभूत सुविधाओं की उपलब्धता और विश्वविद्यालय का अब तक का उत्कृष्ट प्रदर्शन पालमपुर कृषि विश्वविद्यालय को केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय के रूप में स्तरोन्नत करने के प्रमुख बिंदु हैं। समिति ने 14 सूत्रीय बिंदुओं को लेकर अपनी संस्तुति दी है। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद ने हर एग्रो क्लाइमेटिक रीजन के आधार पर एक केंद्रीय विश्वविद्यालय की स्थापना का निर्णय लिया है। उत्तर पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र, जिसके तहत हिमाचल, उत्तराखंड तथा जम्मू-कश्मीर और लद्दाख केंद्र शासित प्रदेश आते हैं, जिसमें एक केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय की स्थापना प्रस्तावित है। इसे देख एग्रीकल्चर साइंटिस्ट फोरम ने एक कमेटी का गठन पूर्व शोध निदेशक प्रो. एसके शर्मा के नेतृत्व में किया है। समिति में डॉ. एके पांडा, डॉ. एनके संख्यान, डॉ. संजय शर्मा व डॉ. प्रवीण शर्मा को शामिल किया गया है। एग्रीकल्चर साइंटिस्ट फोरम के अध्यक्ष डॉ. प्रदीप कुमार ने कहा कि एग्रीकल्चर साइंटिस्ट फोरम ने केंद्रीय कृषि विवि की स्थापना के लिए समिति की सिफारिशों को भी अपनाने का निर्णय लिया है।
इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान में स्थापित पेन एण्ड पैलीएटिव इकाई को और विकसित करने के लिए हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी ताकि रोगियों के अंतिम समय में परामर्श व अन्य सहयोग प्रदान कर उनके दुख और दर्द को कम करने में सक्षम हो सके। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. राजीव सैजल ने इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान शिमला में विश्व हाॅस्पिटल एवं पैलिएटिव दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि चिकित्सा विज्ञान के साथ-साथ चिकित्सा क्षेत्र में नई विद्या देश में विकसित हो रही है, जिस पर आज सार्थक चर्चा की गई। उन्होंने बताया कि इस इकाई का गठन इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान में अभी हाल ही में हुआ है। उन्होंने बताया कि आने वाले समय में इस इकाई को और अधिक विकसित किया जाएगा ताकि यह पूर्ण विकसित विभाग के रूप में अपनी सेवाएं प्रदान कर सके। उन्होंने बताया कि कई रोगों में रोगी की अवस्था ऐसी आ जाती है जब किसी भी चिकित्सा से लाभ नहीं मिलता और रोगी के अंतिम क्षण दुख और दर्द भरे होते हैं तब इस विद्या के माध्यम से रोगी के दुख-दर्द को कम करने तथा चिकित्सा दृष्टि से रोगी को मानसिक सहारा प्रदान कर परिवार वालों के परामर्श से विभिन्न दवाइयों और प्रयोगों के माध्यम से रोगी का उपचार किया जाता है। इस अवसर पर उपस्थित चिकित्सकों ने विभाग के विस्तार के लिए विभिन्न सुझाव एवं मांगे प्रस्तुत की। डॉ. सैजल ने कहा कि विभिन्न मांगों व सुझावों पर जल्द अमलीजामा पहनाया जाएगा। इस अवसर पर प्रधानाचार्य आईजीएमसी डॉ. रजनीश पठानिया, वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डॉ. जनक राज, डॉ. राकेश शर्मा (नेशनल फाउंडर चेयर पर्सन ऑफ पेन एंड पिलीएटिव) तथा डॉ. विनय सौम्या भी उपस्थित थे।
शनिवार को मॉर्निंग और इवनिंग के सेशन में एक ही दिन दो पेपर होने से अभ्यर्थियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई सेंटरों में आधे से अधिक अभ्यर्थी एक ही दिन में दो पेपर होने से गैरहाजिर रहे। इसके चलते चयन बोर्ड की कार्यप्रणाली को लेकर बेरोजगार युवाओं ने गहरा रोष व्यक्त किया है और प्रदेश सरकार से गुहार लगाई है कि भविष्य में जब कभी भी चयन बोर्ड के एक से अधिक पेपर हो तो उसके लिए संयोजन तरीके से प्लान तैयार किया जाए ताकि बच्चे किसी भी परीक्षा का पेपर देने से न चूक सके। सुंदर नगर के एंजेल पब्लिक स्कूल में भी सुबह के समय स्टोर कीपर के पद का और इवनिंग सत्र में कंप्यूटर ऑपरेटर के पद के लिए परीक्षा आयोजित की गई जिसमें सुबह के समय 300 में से 150 भी युवा पेपर देने नहीं पहुंचे। जानकारी देते हुए स्कूल के मैनेजिंग डायरेक्टर अमित कौशल ने बताया कि हिमाचल सरकार और जिला प्रशासन के दिशा निर्देशों का पूरी तरह से पालन किया गया है और इस वैश्विक कोरोना महामारी के दौर में हर अभयार्थी की स्क्रीनिंग की जा रही है। स्कूल के मुख्य गेट पर पुलिस जवानों की निगरानी में बच्चों की स्क्रीनिंग की जा रही है तभी परीक्षा हॉल में प्रवेश किया जा रहा है। इस परीक्षा के दौरान प्रबंधन ने पूरी तैयारियां की है।
ग्राम पंचायत दावटी में भगत सिंह युवा क्लब द्वारा पंचायत मुख्यालय शिव नगर में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर की अध्यक्षता भगत सिंह युवा क्लब के अध्यक्ष ओमप्रकाश ने की। इस दौरान शिविर में लगभग 35 रक्तदाताओं ने रक्त दान किया। शिविर में युवा क्लब के सदस्यों के साथ साथ दावटी पंचायत के लोगों ने भी बढ़ चढ़कर रक्त दान शिविर में अपनी भागीदारी सुनिश्चित की। क्लब के प्रधान ओमप्रकाश व सचिव अजय शर्मा ने मुख्य स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सा अधिकारी डॉ राजन उप्पल,चिकित्सा अधीक्षक डॉ एनके गुप्ता, एमओएच डॉ मुक्ता, डॉ कविता, चिकित्सा अधिकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र घनागुघाट रेखा शर्मा, महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता संजय, देशराज, कैलाश, तपेंद्र, कृष्ण चौधरी, चमन का विशेष रूप से इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए धन्यवाद कर विभाग से इसी प्रकार के सहयोग उमीद की है। इस अवसर पर दीप राम शर्मा, लायक राम, नरेश कुमार शर्मा, तिलक राज, हरी राम कौंडल, जगदीश शर्मा सहित गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
रोहड़ू। रोहड़ू उपमंडल की रोहल पंचायत के जतवानी गांव ने स्थानीय महिला मण्डल ने गांव मे दो सोलर लाइट स्थापित की है। महिला मण्डल जतवानी की प्रधान मनोरमा ज़िंटा ने बताया की ये दोनों सोलर लाइट समोली गांव की समाज सेविका उर्मिला ब्राक्टा ने अपने निजी कोष से प्रदान की है जिसकी कीमत करीब 12 हज़ार है। उन्होंने बताया कि इन पैनल के लगने से गांव मे सार्वजनिक स्थानों पर अँधेरे की समस्या ख़त्म हों चुकी है। उर्मिला ब्राक्टा की ओर से गांव को दी गई इन सोलर लाइट्स के लिए महिला मंडल की उप प्रधान सपना ज़िंटा, सचिव मनोरमा, कोषाध्यक्ष छोटी देवी व सदस्य प्रिया, आशा, रुमा देवी, मज़ल देवी, विजय ज़िंटा ने उनका आभार व्यक्त किया है।
रोहड़ू। आम आदमी पार्टी रोहड़ू की बैठक अध्यक्ष वीर सिंह ठाकुर की अध्यक्षता मे रिवर व्यू होटल मे हुई। इस बैठक मे पार्टी के ऑक्सीमीटर अभियान को विधान सभा के हर घर ले जाने को लेकर रणनीति तैयार की गई। वहीं युथ हिमाचल के नामो पर भी चर्चा की गई। इस बैठक के दौरान चार नए लोग आप मे शामिल हुए जिनमें रणसार के कुतरा गांव से सुन्नी जेहटा, सचिन, नरेश व देवीधार से दया नन्द ठाकुर शामिल हुए। इस मौके पर उपाध्यक्ष नवीन चौहान, सुनील नेकटा, मेशर सिंह, सितेन्दर शोंगी, गोविन्द व प्रेम लाल पुहारता उपस्थित रहे।
राजकीय आदर्श वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला धुंदन की एनएसएस इकाई ने अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस मनाया। इस अवसर पर निबंध लेखन व भाषण प्रतियोगिता करवाई गई जिसमें गीतांजलि, अंजली ठाकुर, जैस्मिन, अनामिका, हिमानी, भगत, अंजली, रंजना, किरण, कपिल, मीनाक्षी, हितैषी, पूजा, सूर्या, ज्योति वर्मा और दिव्यांश ने भाग लिया। भाषण प्रतियोगिता में हिमानी, भगत और दिव्यांश ने भाग लिया। ये दोनों प्रतियोगिताएं ऑनलाइन करवाई गई। अंजली ठाकुर ने सोलन जिला में उप निदेशक शिक्षा विभाग द्वारा करवाई गई निबन्ध प्रतियोगिता में तीसरा स्थान प्राप्त किया। एनएसएस स्वयंसेवी अंजलि शर्मा व यशस्वी बट्टू ने पोस्टर के माध्यम से अपने भाव व्यक्त किए। प्रधानाचार्य सरताज सिंह राठौर व पूरे विद्यालय परिवार ने सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दी।
ग्राम पंचायत दाड़लाघाट के गांव बरायली में इन दिनों एक मादा तेंदुआ स्थानीय लोगों में दहशत का कारण बना हुआ है। लोगों का कहना है कि गांव में एक मादा तेंदुआ अपने दो बच्चों के साथ पिछले कई दिनों से घूम रही है। शाम ढलते ही तेंदुआ दहाड़ना शुरू कर देते है और पूरी रात ये सिलसिला जारी रहता है। लोगों में दहशत का आलम ये है कि सूरज ढलने के बाद लोग घरों से बाहर निकने से घबराने लगे है। लोगों ने अपने पशुओं को घर से बाहर रखना ही बंद कर दिया है। गांव वासियों में जय सिंह ठाकुर,राम चंद, नानक चंद,प्रकाश चंद,सविता देवी,कुंता देवी,शर्मिला देवी,निशा देवी ने बताया कि पहले तो तेंदुआ गांव से दूर रहता था और रात को ही उसके गुर्राने की आवाजें गांव में सुनाई देती थीं।पर अब ये गांव में लोगों के आंगन तक पहुचने लगी है इससे गांव वालों की परेशानी बढ़ गई है।लोगों में हर समय तेंदुए के हमले का खौफ रहता है।लोगों ने अपने पशुओं को पशुशाला के बाहर बांधना भी बंद कर दिया है। गांव वालो ने आशंका जताई है कि शायद मादा तेंदुआ अपने खोए हुए या मारे गए बच्चे की तलाश में गांव के आसपास घूम रही हो। गांव वालों ने इस बारे जिला वन अधिकारी से मांग की है कि वे इस तेंदुए को पकड़ कर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करें ताकि वे अपने मवेशियों के साथ गांव में अपने को सुरक्षित महसूस कर सकें। इस बारे वन मंडल अधिकारी एचके गुप्ता का कहना था कि सम्भवतः ये तेंदुआ मादा हो सकती है पिंजरा लगाना समझदारी नही होगी। गांव के लोगों को सावधानी बरतने की आवश्यकता है, अंधेरे में बाहर निकलने से बचें। ग्रामीण घबराए नहीं तेंदुआ स्वभाविक रूप से बहुत शर्मिला जानवर है और एक जगह पर ज्यादा दिनों तक नही रुकता है। विभाग की टीम को मौके पर भेज कर लोगों को जागरूक करेंगे।
स्कैंडल पॉइंट......शिमला आए हर व्यक्ति ने ये नाम तो सुना ही होगा, इस पॉइंट से गुज़रे भी होंगे लेकिन इस जगह पर ऐसा क्या स्कैंडल हुआ की इसका नाम स्कैंडल पॉइंट रख दिया गया, ये सवाल भी बहुचर्चित है। बात बहुत पुरानी है तो कहानियां भी बहुत सी बन गईं है। कुछ कहते की इस जगह पर हिंदुस्तान का पहला लव स्कैंडल हुआ था तो कुछ इस तथ्य को मानने से इंकार करते है। स्कैंडल पॉइंट से जुड़ी कहानियों में से एक कहानी है पाटियाला के महाराजा भूपेंदर सिंह की। बात 1892 की है, ब्रिटिश शासन में शिमला के वाईस रॉय और पाटियाला के महाराजा भूपेंदर सिंह अच्छे दोस्त हुआ करते थे और अक्सर वाइसराय के घर पर आया जाया करते थे। उसी समय पटियाला के राजा को वाईसरॉय की बेटी से महब्बत हो गई और दोनों ने शादी करने का फैसला किया लेकिन वाईस रॉय को ये रिश्ता मंज़ूर नहीं था और उन्होंने इसका विरोध भी किया। लेकिन दोनों प्रेमी अपना मन मना चुके थे। ब्रिटिश काल में शिमला के मालरोड पर शाम के समय ब्रिटिश अधिकारी अपने परिवार के साथ टहलने आया करते थे मगर यहां हिन्दुस्तानियों को आने की अनुमति नहीं थी। एक दिन शाम जब सब मॉलरोड पर टहल रही थे तो पटियाला के महाराजा ने अंग्रेज वाइसराय की बेटी को उठा लिया था। इसे पहला लव स्कैंडल कहा जाता है और जिस जगह पर यह कथित वारदात हुई उसे आज स्कैंडल प्वाइंट के नाम से जाना जाता है। महाराजा भूपिंद्र सिंह ने वाइसराय लार्ड कर्जन की बेटी को उठाया था। कहा जाता है कि महाराजा भूपिंद्र सिंह घोड़े पर सवार होकर आए और मालरोड पर टहल रही लार्ड कर्जन की बेटी को उठा ले गए। गुस्से में वायसराय ने उनका शिमला आने पर प्रतिबंध लगा दिया। महाराजा ने भी अपनी आन-बान और शान के लिए शिमला से भी ऊंचा नगर बसाने की ठान ली और चायल का निर्माण कर डाला। पटियाला के महाराजा भूपिंद्र सिंह का जन्म 12 अक्टूबर 1891 में हुआ। वर्ष 1900 में उन्होंने राजगद्दी संभाली और 38 साल तक राजपाट किया। उन्होंने ऑनरेरी लेफ्टीनेंट कर्नल के तौर पर प्रथम विश्व युद्ध में भाग लिया था। लीग ऑफ नेशंज में 1925 में भूपिंद्र सिंह ने भारत का प्रतिनिधित्व किया। महाराजा क्रिकेट के शौकीन थे। वर्ष 1911 में इंग्लैंड दौरे पर भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान भी वही थे। यहां हुआ था हिंदुस्तान का पहला लव स्कैंडल हालांकि कुछ इतिहासकार इस बात से इत्तफाक नहीं रखते। उनका दावा है कि लार्ड कर्जन साल 1905 तक वाइसराय रहे। उनकी तीन बेटियां थीं। देखा जाए तो 1905 में महाराजा की आयु 14 साल की थी। लार्ड कर्जन की बड़ी बेटी आइरिन की उम्र उस समय महज 9 साल थी।पंजाब यूनिवर्सिटी में अंग्रेजी की प्रोफेसर रह चुकी मंजू जैदका अपनी किताब स्कैंडल पॉइंट में लिखती है की इस जगह से उनकी बहुत सी यादें जुडी है, उन्होंने इसपर काफी शोध भी किया है लेकिन महाराजा भूपेंदर सिंह की उम्र का तकाज़ा रखते हुए ये कहानी सच नहीं हो सकती। लेखिका का मानना है की इस कहानी में भूपेंदर सिंह के पिता राजेंदर सिंह को होना चाहिए क्यूंकि उनकी एक अँगरेज़ बीवी और बेटा था। हलाकि सच क्या है ये तो एक रहस्य ही रहेगा जो इतिहास में दफ़न हो चूका है।
रेलवे स्टेशन शिमला में तैनात कांस्टेबल पूर्णानंद को रेलवे मिनिस्टर्स मेडल फॉर ब्रेवरी अवार्ड से नवाजा गया है। पुरस्कार स्वरूप पूर्णानंद को रेलवे की ओर से नकद एक लाख रुपये की राशि दी गई है। रेल प्रबंधक गुरिंद्र मोहन सिंह ने कांस्टेबल पूर्णानंद के लिए सराहना स्वरूप पुरस्कार के लिए उच्च अधिकारियों को अनुशंसा की थी। शिमला रेलवे स्टेशन के आरपीएफ प्रभारी शेर सिंह ने बताया कि साल 2019 में कांस्टेबल पूर्णानंद रात्रि ड्यूटी पर स्टेशन परिसर में तैनात थे। इस बीच, एक चोर रेलवे स्टेशन परिसर में चोरी के इरादे से दाखिल हुआ। कांस्टेबल ने उसे देखा तो पकड़ने के लिए पीछे दौड़ लगाई। चोर ने चाकू से पूर्णानंद की छाती पर तीन वार किए। लहूलुहान हालत में भी कांस्टेबल ने करीब 50 मीटर तक चोर का पीछा किया। अंधेरे का फायदा उठाकर चोर भागने में कामयाब रहा, लेकिन कांस्टेबल ने उसका चेहरा पहचान लिया था। इसी बिनाह पर चोर को पकड़ने में कामयाबी मिली। अपनी जान की फिक्र किए बिना रेलवे संपत्ति की रक्षा करने पर कांस्टेबल पूर्णानंद को ब्रेवरी अवार्ड से सम्मानित किया गया है।
शिमला। राजधानी के ढली क्षेत्र में पेट्रोलपंप के पास पुलिस ने तीन युवकों को चिट्टा संग धर दबोचा है। युवकों के पास से 4 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ है। पुलिस ने तीनों युवकों को गिरफतार कर लिया है। युवकों की पहचान 19 वर्षीय अरीन चौहान इंदर नगर ढली, 23 वर्षीय सीधांशु गांव मेल्थी तहसील टिक्कर रोहड़ू, 19 वर्षीय क्षितिज वर्मा गांव शाहनी तहसील आनी जिला कुल्लु के तौर पर हुई है। पुलिस को यह कामयाबी गश्त के दौरान मिली है। पुलिस की टीम जब ढली क्षेत्र में गश्त पर थी तो इनकी शक के आधार पर तलाशी ली। यह तीनों युवक गाड़ी में बैठे हुए थे, तभी इनके पास से यह चिट्टा बरामद हुआ। पुलिस की तीनों युवकों से पूछताछ जारी है। पुलिस यह पता लगा रही है कि इन युवकों ने चिट्टा कहां से लाया था और इसकी सप्लाई कहा करनी थी। पुलिस इस मामले को लेकर गंभीरता से कार्रवाई कर रही है। पुलिस को शक है कि इनके पिछे कोई बड़ा तस्कर तो नहीं है। पुलिस जल्द ही इन्हें कोर्ट में पेश करेगी। पुलिस ने युवकों को चिट्टा संग पकड़ा है। तीनों युवकों से पुलिस की पूछताछ जारी है। जल्द ही इन्हें कोर्ट में पेश किया जाएगा। मामले को लेकर पुलिस की कार्रवाई जारी है।
पच्छाद कांग्रेस के वरिष्ठ कार्यकर्ता मोहन सिंह ठाकुर के निधन से पच्छाद कांग्रेस में शोक की लहर है। पझौता घाटी के पैन कुफर निवासी मोहन सिंह के आकस्मिक निधन पर पार्टी ने गहरा शोक प्रकट किया है। प्रेदश कांग्रेस उपाध्यक्ष जी आर.मुसाफिर, पच्छाद कांग्रेस अध्यक्ष बेली राम शर्मा, पूर्व अध्यक्ष देवेंद्र शास्त्री, रणजीत हाब्बी,दुर्गा सिंह, सिरमौर सिंह, जिला परिषद उपाध्यक्ष परीक्षा चौहान, सदस्य शकुन्तला प्रकाश, पूनम पंवार, बीडीसी अध्यक्ष उषा तोमर, जिला कांग्रेस महासचिव राजेन्द्र ठाकुर, पच्छाद कांग्रेस उपाध्यक्ष संजय पाल, आशा प्रकाश, विवेक शर्मा, राजकुमार, सत्य पाल, कोषाध्यक्ष दिनेश आर्य, महा सचिव आई डी शर्मा, श्याम लाल, पूर्ण ठाकुर, जितेंद्र वर्मा, ज्ञान गौतम, समस्त कार्यकरणी सदस्यों सभी जॉन अध्यक्षो, महिला कांग्रेस अध्यक्ष पूनम ठाकुर, युवा कांग्रेस अध्यक्ष मनीष भग्नाल, जिला सिरमौर सेवा दल अध्यक्ष हरदेव राणा, पंचायतो राज कांग्रेस जिला अध्यक्ष रणधीर पंवार, सहित समस्त कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने मोहन सिंह के निधन को क्षेत्र के लिए बहुत बढ़ा आघात बताया है। उनका निधन से केवल पार्टी ने एक जुझारू कार्यकर्ता को खोया है बल्कि एक सामाजिक व्यक्तित्व को भी खोया है। सभी ने उनके निधन पर दिवंगत आत्मा की शांति और संतप्त परिजनों को इस आघात को सहने की क्षमता के लिए प्रार्थना की है।
जिला किन्नौर के मुख्यालय रिकांगपिओ चिकित्सालय में शुक्रवार देर रात एक 35 वर्षीय व्यक्ति की कोरोना से मौत हो गई है। यह व्यक्ति जिला किन्नौर के लियो का रहने वाला था तथा इसे सांस लेने में कुछ समय से दिक्कत हो रही थी जिस पर जिला के स्वास्थ्य विभाग द्वारा उक्त व्यक्ति का कोरोना टेस्ट लिया था जिसमें वह व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव निकला था। उसके बाद व्यक्ति को किविड केयर सेंटर रिकांगपिओ लाया गया था, परन्तु शुक्रवार देर रात उसकी मौत हो गई। बता दे कि जिला किन्नौर में कोरोना से यह चौथी मौत है इससे पहले जिला में कोरोना से तीन अन्य लोगों की मौत हो चुकी है। वहीँ जिला किन्नौर में अब दिनप्रतिदिन कोरोना के मामले बढ़ रहे है जो चिंता का विषय है। साथ ही कोरोना के बाद भी बाहरी क्षेत्रो से लोगो की आवाजाही भी अब खतरे का संकेत दे रही है। जिला किन्नौर में कोरोना से अबतक चार व्यक्तियों की मौत के बाद स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को सोशल डिस्टेंसिंग व मास्क लगाकर घर से बाहर निकलने की सलाह दी है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा कोरोना से हुई मृत्यु वाले व्यक्ति के शव को जिला प्रशासन को सौपा गया है और प्रशासन द्वारा इस शव को आबादी से दूर प्रशासन के अधिकारियों के निगरानी में अंतिम संस्कार किया जाएगा।
कंडक्टर भर्ती को लेकर कोर्ट गए 44 अभ्यर्थियों के लिए राहत भरी खबर आई है। अब ये अभ्यर्थि पथ परिवहन निगम की बस कंडक्टर की भर्ती परीक्षा दे सकेंगे। बता दें कर्मचारी चयन आयोग ने एचआरटीसी बंस कंडक्टर पोस्ट कोड 762 के अंतर्गत 568 पदों को भरने के लिए दिसंबर 2019 में ऑनलाइन आवेदन मांगे थे। नियमों के अनुसार बस कंडक्टर के लिए 12वीं पास होना व वैध बस कंडक्टर लाइसेंस होना अनिवार्य है। आयोग के पास करीब 65,000 आवेदन पहुंचे जिसमें से 5,000 आवेदन अपात्र पाए जाने के बाद रद्द कर दिए गए। भर्ती एवं पदोन्नति नियमों में 12वीं कक्षा उत्तीर्ण की शर्त के कारण पूर्व में एचआरटीसी में कौशल विकास योजना में प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके करीब 44 अभ्यर्थी इस परीक्षा से बाहर हो गए। आरएंडपी रूल से नाखुश यह अभ्यर्थी प्रदेश उच्च न्यायालय में चले गए। हाल ही में न्यायालय ने कर्मचारी चयन आयोग को निर्देश दिए कि एचआरटीसी में प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके दसवीं पास युवाओं को बस कंडक्टर के लिए आवेदन करने की अनुमति दी जाए। चयन आयोग ने इन सभी 44 अभ्यर्थियों से 7 दिन के भीतर ऑफलाइन आवेदन परीक्षा शुल्क सहित मांगे हैं। इन अभ्यर्थियों को लिखित परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड भी ऑफलाइन ही प्रदान किए जाएंगे।
भाषा, कला एवं संस्कृति मंत्री गोविन्द सिंह ठाकुर ने वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के उपायुक्तों के साथ आगामी नवरात्री की तैयारियों संबंधी समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने अधिकारियों को नवरात्रों में प्रदेश और अन्य राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं को सभी प्रकार की सुविधाएं प्रदान करने के साथ-साथ कोविड-19 संबंधी नियमों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। गोविन्द सिंह ठाकुर ने कहा कि सभी उपायुक्त अपने संबंधित जिलों की स्थितियों को ध्यान में रखते हुए कोविड-19 के दृष्टिगत मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी कर श्रद्धालुओं को सुविधाजनक दर्शन की सुविधा उपलब्ध करवाएं। उन्होंने कहा कि इस दौरान शक्तिपीठों में श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए मंदिर को अधिक समय तक खुला रखने की व्यवस्था भी स्थापित की जाएं। उन्होंने कहा कि नवरात्री के दौरान मंदिरों में सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए जाए। कोविड-19 से संबंधित स्वच्छता संबंधी जानकारी उपलब्ध करवाने के साथ पुजारियों, दुकानदारों आदि को भी आवश्यक प्रशिक्षण प्रदान किया जाए। गोविन्द सिंह ठाकुर ने कहा कि प्रदेश की अपनी एक समृद्ध धार्मिक संस्कृति है जिसका वृत्तचित्र के माध्यम से प्रचार-प्रसार करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश से सभी मंदिरों से जुड़े वृत्तचित्र का दूरदर्शन के माध्यम से प्रसारित करके प्रदेश की समृद्ध संस्कृति को देश के कोने-कोने में पहुंचाया जाएगा। उन्होंने कहा कि मंदिरों के परिसरों में नवग्रह वाटिका का निर्माण कर संबंधित मंदिर न्यास और ग्रामीण लोग इसका रख-रखाव करें। मंदिर न्यास अपने साथ स्वयं सहायता समूहों को जोड़कर मंदिर में चढ़ने वाले फूलों से अग्रबत्ती या धूप तैयार कर महिलाओं को आर्थिक लाभ प्रदान करने के प्रयास करें। श्रद्धालुओं को मंदिरों से जुड़ी जानकारी से अवगत करवाने के लिए जिलों में सांस्कृतिक केन्द्रों को भी स्थापित किया जाए। अतिरिक्त मुख्य सचिव भाषा, कला एवं संस्कृति आरडी धीमान, निदेशक भाषा, कला एवं संस्कृति कुमुद सहित सभी संबंधित जिलों के उपायुक्त इस बैठक में उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश सर्कल की चीफ पोस्ट मास्टर जनरल नीरा रंजन शेरिंग ने राजभवन में राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय से भेंट की। विश्व डाक दिवस के अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि डाक कर्मी प्राकृतिक आपदाओं का सामना करते हुए अपने जीवन को जोखिम में डालकर न केवल पत्र, बल्कि आवश्यक वस्तुओं, दवाओं, भोजन और सुरक्षा किटों को कोरोना योद्धाओं की लड़ाई के लिए वितरित किया है। उन्होंने कहा कि आज डाक सेवाओं में आम आदमी का भरोसा बढ़ा है और अधिक से अधिक लोग इन सेवाओं का लाभ उठा रहे हैं। उन्होंने इन सेवाओं में अधिक प्रौद्योगिकी शामिल करने पर जोर दिया। उन्होंने कोरोना महामारी की अवधि के दौरान पात्र लोगों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन प्रदान करने में डाक कर्मियों की सेवाओं की सराहना की। उन्होंने वाययुमार्ट नामक ई-काॅमर्स कंपनी की मदद से चुनिंदा शहरों में पोस्ट ऑफिस के माध्यम से सेब के वितरण और महिला स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की बिक्री के लिए हिमाचल प्रदेश पोस्टल सर्कल की पहल की सराहना की। राज्यपाल ने हिमाचल प्रदेश के पक्षियों पर बीस चित्र पोस्टकार्डों का एक सेट जारी किया और हिमाचली गुड़िया पर आधारित एक चित्र पोस्टकार्ड का भी विमोचन किया। नीरा रंजन शेरिंग ने राज्य में डाक सेवाओं की गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश डाक मंडल अपने 2795 डाकघरों के माध्यम से पूरे राज्य में डाक सेवाएं प्रदान कर रहा है। सामाजिक सुरक्षा पेंशन के तहत राज्य के लगभग 3.65 लाख पेंशनरों को पोस्ट आॅफिस के माध्यम से हर तिमाही में पेंशन वितरित की जा रही है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के सभी डाकघरों में लगभग 51.9 लाख विभिन्न प्रकार के बचत खाते हैं। इसके साथ ही हिमाचल प्रदेश में इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक के नए पद के साथ लगभग 3.5 लाख खाते खोले गए हैं। निदेशक, डाक सेवाएं दिनेश कुमार मिस्त्री भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
ग्राम पंचायत ग्याणा में उद्यान विभाग के द्वारा एक विशेष बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में उद्यान विभाग की स्कीम हिमाचल प्रदेश समग्र कृषि,सिंचाई और मूल्य संवर्धन परियोजना एचपी शिवा के बारे में लोगो को जानकारी प्रदान की गयी। इस दौरान बैठक में लोगों को बताया गया कि इस प्रोजेक्ट के तहत एक कलस्टर लगभग 70 विघा का बनाया जाएगा जिसमे फलदार पोधों जेसे सिट्रेस प्लांट, अमरुद, आम, लीची आदि लगाये जांएगे। इस प्रोजेक्ट में पानी व्यवस्था जल शक्ति विभाग के द्वारा की जाएगी तथा पूरी जमीन को सोलर फेन्सिग से कवर किया जाएगा। इसके आलावा भी उद्यान विभाग द्वारा चलायी जा रही अन्य योजनायों के बारे में लोगों को जानकारी दी गई। इस बैठक में विशेष रूप से उप निदेशक उद्यान विभाग सोलन राजेन्द्र शर्मा, जल शक्ति विभाग अर्की से एक्सईएन कंचन शर्मा ने अपने विभागों दवारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं के बारे में जानकारी दी। इस प्रोजेक्ट को लेकर ग्रामीण काफी उत्साहित दिखे। इस बैठक में उप निदेशक उद्यान विभाग सोलन राजेन्द्र शर्मा, जल शक्ति विभाग अर्की से एक्सईएन कंचन शर्मा, उद्यान विभाग से एसएमएस राजेन्द्र, एचडीओ शगून, एएचडीओ प्रेम सिंह, एचईओ संतोष, जलशक्ति विभाग से जेई जितेन्द्र, प्रधान ग्राम पंचायत ग्याणा मीरा भट्टी, उप प्रधान मोहन लाल,सचिव अशोक, वार्ड सदस्य अनिल कुमार, वार्ड सदस्य बलदेव, संत राम, मस्त राम भट्टी, जगदीश, रूप चंद सहित स्थानीय ग्राम वासियों ने भाग लिया।


















































