हिमाचल प्रदेश कौशल विकास निगम की परियोजना निगरानी कार्यान्वयन समिति की बैठक निगम के प्रबंध निदेशक रोहन चंद ठाकुर की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में विभिन्न विभागों जैसे तकनीकी शिक्षा, शहरी विकास, श्रम एवं रोजगार, उच्च शिक्षा, लोक निर्माण विभाग एवं उद्योग विभाग के अधिकारियों के साथ संबंधित विभागों से जुड़े कार्यों की समीक्षा करते हुए रोहन चंद ठाकुर ने कहा की उत्कृष्ट केंद्रों के निर्माण का कार्य जल्द ही शुरू किया जाएगा। उन्होंने पूर्ण व निर्माणाधीन संरचनाओं जैसे शहरी रोजगार केंद्र और ग्रामीण रोजगार केंद्रों के माध्यम से चलाई जा रही विभिन्न गतिविधियों की समीक्षा करते हुए कहा कि निगम online प्रशिक्षण पर भी विचार कर रहा है। उन्होंने कहा की निगम अपने यहां पंजीकृत उम्मीदवारों के साथ-साथ स्किल पोर्टल पर पंजीकृत लोगों के रोजगार के लिए उद्योगों के बीच कड़ी का काम कर रहा है। इसके अलावा बैठक में अन्य विभिन्न मुद्दों व चुनौतियों और आने वाले समय में कार्यों के क्रियान्वयन पर भी चर्चा की गई। प्रबन्ध निदेशक ने कार्यों में तेजी लाने के उपायों पर चर्चा करते हुए जवाबदेही तय करने को महत्व देते हुए आगे के संभावित कदमों को लेकर एक विस्तृत प्रस्तुति भी दी। बैठक के दौरान विभिन्न अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों के कार्यों को सुचारु रूप से चलाने के लिए संभावित कदमों की जानकारी दी और विभिन्न सुझाव भी दिए। बैठक में निगम के महाप्रबंधक सुनील ठाकुर एवं सनी शर्मा, उप महाप्रबंधक गौरव महाजन, क्षेत्र विशेषज्ञ कपिल भारद्वाज व तिलक धीमान भी उपस्थित थे।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी बिलासपुर डाॅ प्रकाश दरोच ने बताया कि जिला से अब तक 3142 लोगों के सैंपल कोविड-19 के लिए लैब जांच के लिए आई०जी०एम०सी शिमला भेजे गए, उनमें से 3006 सैंपल की रिपोर्ट नेगेटिव आई हैं और 38 की रिपार्ट अभी तक पाॅजिटिव आई है। शेष 107 सैंपल की रिपोर्ट आना अभी बाकी है। 24 लोग अभी तक कोरोना से निजात पा चुके हैं।
फर्जी डिग्री मामले को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की प्रदेश इकाई नियामक आयोग के सदस्य एस. पी. कटयाल को ज्ञापन सौंपा तथा दागी यूनिवर्सिटी मानव भारती और इंडस के दाखिले और सभी कोर्स की मान्यता रद्द करने की मांग की और साथ ही मानव भारती विश्विद्यालय में जो छात्र वहां वर्तमान समय मे पढ़ाई करते है उन्हें शीघ्र किसी अन्य विश्विद्यालय में स्थानान्त्रित किया जाए। एबीवीपी ने ज्ञापन सौंपा जिसके अंतर्गत उन्होंने निजी विश्वविद्यालय में हुई फर्जी डिग्रियों की धांधली को लेकर कड़ा रोष व्यक्त किया. विद्यार्थी परिषद ने कहा की 3 मार्च को मानव भारती पर एफ आई आर हुई और और 9 मार्च को इंडस यूनिवर्सिटी पर एफ आई आर हुई जहां मानव भारती के पास कई फर्जी डिग्रियां पकड़ी गई। वही इंडस यूनिवर्सिटी में 7 वर्ष से एक अध्यापक फर्जी डिग्री के साथ पढ़ा रहा था और इंडस यूनिवर्सिटी ने अपने रेगुलर चार कर्मियों को रेगुलर कोर्स की चार फर्जी डिग्रियां दे दी थी। इंडस यूनिवर्सिटी की मैनेजमेंट ने खुद प्रेस नोट जारी करके कहा कि इंडस डिग्रियां कॉरेस्पोंडेंस पार्ट टाइम मोड इवनिंग क्लासेस डिस्टेंस एजुकेशन के रूप में देता है। मगर ऐसा करने की अनुमति इंडस को कभी नहीं थी और न ही इसकी मान्यता उन्हें कभी प्रदेश सरकार से मिली थी। और तो और अध्यापकों को यह तक कहा कि जो लोग यहां पर काम कर रहे हैं उन्हें बिना कक्षा लगाए हाजिरी दी जाए ताकि वह अपनी परीक्षाएं दे सकें जोकि सरेआम धांधली है.ऐसे में यह विषय प्रदेश के लिए शर्म की बात है। राहुल राणा ने कहा कि निजी विश्वविद्यालय में पीएचडी तथा और रिसर्च वर्क की भी अनुमति है लेकिन इसकी भी जांच होनी चाहिए कि कहीं पीएचडी डिस्टेंस मोड में तो नहीं चला दी है जो यूजीसी के नियमों के खिलाफ है। राणा ने कहा कि ना केवल अध्यापक तथा छात्र फर्जी डिग्रियों के साथ हैं बल्कि निजी विश्वविद्यालय में कुलपति भी ऐसे हैं जिन्होंने एक समय पर 3-3 डिग्रियां ली हैं जो सरासर गलत है। विद्यार्थी परिषद ने कहा कि जिन भी यूनिवर्सिटीओं में बिना मान्यता की कोई डिग्री गैर कानूनी तरीके से दी गई है उसे फर्जी घोषित किया जाए और अगर इन डिग्रियों के बदले कोई स्कॉलरशिप निजी विश्वविद्यालय ने मांगी है या ली है उसे काले धन के रूप में माना जाए साथ ही इन सभी डिग्रियों को अवैध घोषित किया जाए और यूनिवर्सिटी पर अपराधिक मामले दर्ज हो तथा इन दोनों निजी विश्वविद्यालय पर सरकार एडमिनिस्ट्रेटर नियुक्त करें ताकि छात्रों का भविष्य बर्बाद न हो।
वीरवार को करसोग ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष पृथ्वी सिंह नेगी की अध्यक्षता में नायब तहसीलदार सार्थक शर्मा के माध्यम से करोना काल में पी पी ई किट घोटाले की निष्पक्ष जांच तथा देश में पेट्रोल और डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों की रोकथाम के लिए राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा। पृथ्वी सिंह नेगी ने कहा कि आज प्रदेश और देश बुरे दौर से गुजर रहा है लेकिन प्रदेश सरकार को प्रदेश के अंदर मजदूरों ने भी कोविड-19 फंड में अपनी अंशदान देकर सरकार की मदद की ताकि राहत कार्य में धन की कोई कमी ना हो, लेकिन प्रदेश सरकार की नाक के नीचे स्वास्थ्य विभाग में इतना बड़ा घोटाला हुआ जिसकी भेंट स्वास्थ्य विभाग के निदेशक तथा भाजपा अध्यक्ष भी चढ़े। लेकिन प्रदेश सरकार द्वारा इसकी निष्पक्ष जांच के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए हैं। इस मौके पर पूर्व मंत्री मनसाराम तथा प्रदेश सेवा दल के उपाध्यक्ष संतराम धीमान ब्लॉक समिति अध्यक्षा चमेलु देवी कश्यप जिला परिषद सदस्य निर्मला चौहान, पूर्व पीसीसी सदस्य महेश राज, युवा कांग्रेस अध्यक्ष रूपलाल, कमला वर्मा, अशोक शर्मा, रमेश कुमार, एनएसयूआई अध्यक्ष रित्विक पवन, रंगीला नेगी, देश राज, तिलकशर्मा, तथा कांग्रेस पार्टी के अनेकों कार्यकर्ताओं ने इस मौके पर भाग लिया।
ज्वाली के विधायक अर्जुन सिंह ने विकास खंड नगराेटा सूरियां की 11 पंचायतों की समीक्षा बैठक की। उन्होंने कहा कि आखिरी पंक्ति में बैठे गरीब, बेरोजगार व्यक्ति तक सरकार की योजनाओं की जानकारी व लाभ पहुंचाना हम सबकी जिम्मेवारी बनती है ताकि सरकार की योजनाओं का लाभ हर व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि 14वां वित्तायोग जब से शुरू हुआ है तब से आज तक इन पंचायतों काे प्रति पंचायत के हिसाब से प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री के सहयोग से लाखों रुपए सीधे हर पंचायत काे विकासत्मक कार्याें के लिए और मनरेगा में भी लाखों रुपए के विकास कार्य पंचायतों में हुए हैं। उन्होंने कहा जितना पैसा दिया जा रहा है अगर इसका सही तरीके से प्रयोग हाे तो काेई भी कार्य ऐसा नहीं जाे नहीं हो सकता। उन्होंने पंचायत सचिवाे काे आदेश दिए की आखिरी पंक्ति में में बैठे ब्यक्ति तक अगर योजनाएं पहुंचनी है तो उसमें पंचायती राज का महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने कहा वर्तमान में प्रदेश सरकार द्वारा चलाई गई योजनाओं जैसे एक बीघा योजना, जिसमें महिला सैल्फ हैल्प ग्रुपों काे बागवानी, पाैधाराेपण जैसी याेजनाएं जिसमें 10 मरले जमीन पर 1लाख तक के कार्य; मनरेगा समग्र राेजगार विकास योजना जिसके तहत आज की परिस्थितियों के कारण बेरोजगार हुए युवाओं को रोजगार देने के लिए वाटर टैंक, वर्षा जल संग्रहण टैंक, पाैधाराेपण, उपजाऊ भूमि काे कटाव से बचने के लिए भूमि समतलीकरण जैसे 17 कार्य जिनमें बिना शैल्फ पास किए बेरोजगाराे काे राेजगार व गांव का विकास हाे के उद्देश्य से शुरू की गई योजनाएं शामिल हैं। उन्होंने पंचायत सचिवों को निर्देशित किया कि इन सरकारी योजनाओं की जानकारी हर नागरिक तक पहुंचाने की शुरुआत करें। इस दौरान खंड विकास अधिकारी ओशिन शर्मा, svpo राज कुमार, नरिद्र कुमार वरिष्ठ सहायक, जे.ई ब्लाक सुशील कुमार, रंजना, विश्वास गुलेरिया, व पंचायत सचिव मौजूद रहे। इस दौरान विधायक अर्जुन सिंह ने विकास खंड नगराेटा सूरियां काे कोविड-19 कि जांच के लिए थर्मल स्कैनर उपलब्ध करवाए।
हिम टेंट वेलफेयर एसोसिएशन अध्यक्ष सुखदेव नेगी की अध्यक्षता में, रामपुर बुशहर के उपमंडल अधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन के माध्यम से उन्होंने टेंट, कैटरिंग, लाइट एंड साउंड, फूल व फोटोग्राफी से जुड़े कारोबारियों को कोरोना के वजह से हो रहे नुकसान की तरफ मुख्यमंत्री का ध्यान आकर्षित करने की कोशिश की है। उन्होंने कहा की महामारी के दौरान कारोबार करना मुश्किल हो गया है और इन कारोबार से जुड़े कारोबारियों को बहुत नुकसान झेलना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि टेंट, कैटरिंग, फोटोग्राफि, लाइट एंड साउंड तथा फूल का बहुत बड़ा व्यापार हमारे प्रदेश में होता है और इस व्यापार से अनेको लोगों की रोजी-रोटी चलती है, परंतु महामारी के चलते यह कारोबार बिल्कुल ठप पड़ गए हैं और लाखों लोगों की रोजी-रोटी पर संकट छा गया है। उपरोक्त कारोबार साल के कुछ महीनों में ही चलता है और सभी कारोबारी नवंबर 2019 से जो जून 2020 तक पूरी तरह से बेरोजगार बैठे हैं व आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार के आदेशों के बाद होटल, रेस्टोरेंट व ढाबे आदि सभी खोल दिए गए हैं परंतु उनका व्यापार शुरू करने के लिए अभी तक कोई आदेश सरकार द्वारा जारी नहीं किए गए हैं। उन्होंने सरकार से मांग की है कि जल्द ही उन्हें व्यापार शुरू करने की अनुमति दी जाए। साथ ही उन्होंने आश्वासन भी दिया है कि वह सरकार द्वारा जारी सभी नियमों व दिशा निर्देशों के तहत कार्य करने के लिए तैयार हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अगर सरकार कारोबार शुरू करने में असमर्थ है तो हर व्यापारी को राहत के रूप में 5 लाख रुपए की राशि प्रदान करें ताकि वह अपने वर्करों को तनख्वाह, दुकानों के किराए, बिजली का बिल और बैंकों की किश्त समय पर अदा कर सकें व अपने परिवारों का पालन पोषण कर सकें। इस मौके पर एसोसिएशन अध्यक्ष सुखदेव नेगी, महासचिव टीकम सैनी, सागर कोषाध्यक्ष, नरेश शर्मा, मस्तान नेगी, दीपक नेगी, बिज्जू, अंकित, जय मुसाफिर, राजू व कुलदीप मौजूद रहे।
जिला शिमला वेटरन इंडिया हिमाचल संगठन एवं धामून्न वेलफेयर एसोसिएशन ( रजिस्टर्ड) वीर नारियों युवा पीढ़ी के बालक, बालिकाओं एवं बहुत सारे बुजुर्ग व बच्चो ने ग्लवान घाटी में भारतीय सेना के 20 फौजियों की शहादत पर विरोध जताया। यह विरोध गांव धमून्न व घनाहटी में लोगों द्वारा कोरोना को मध्य नजर रखते हुए मुंह में मसक लगा कर व 2 मीटर की दूरी रख कर किया गया। इसके साथ ही दुश्मनों से उस ही रात बदला लेकर उनके 43 सैनिकों को मौत के घाट उतार कर तथा अनगिनत दुश्मनों को घायल करने पर ख़ुशी भी जताई और गौरव किया की हमारी सेना किसी से कम नहीं है वा खून के बदले खून करने में पूरी तरह से सक्षम है। इसमें मुख्य तौर पर भ्वानी दत्त, कैप्टन शाम लाल शर्मा, पदम देव,एसडीओ वॉटर दिनेश भारद्वाज, जेईई विजय करन, रामकृष्ण, कशल्या, सीता, भावना, मदन, दीपू शर्मा, पाली ठाकुर, भरत राम, विनोद, दिलीप कुमार सुपरवाइजर वॉटर धामून्न ,पवन शर्मा, भूप राम शर्मा, भिमी शर्मा, पूजा, दीपिका व भूपेंद्र शर्मा के साथ बहुत सारे सज्जनों ने भाग लिया। "चीन की निगाहें लडाख प्पर है, पाकिस्तान की कश्मीर पर वा अब नेपाल भी उत्रखड़ चाहता है। हम सभी पूर्व सैनिक ,सिविलियन , गांव निवासी,देश सेवा को प्रथम जान कर बलिदान देने को त्यार है। जय हिन्द ,जय भारत।" -कैप्टन शामलाल शर्मा, धामूनन व अन्य
नगर के औद्योगिक क्षेत्र में तेंदुए की आमद से एक बार फिर नगरवासी भय के साए में हैं। अब तेंदुआ नगर के औद्योगिक क्षेत्र में एक व्यापारिक प्रतिश्ठान के सी सी टी वी में कैमरे में कैद हुआ है। घनी आबादी के इस क्षेत्र में तेंदुए की चहलकदमी से लोगों का डरना स्वाभाविक है। यह तेंदुआ क्षेत्र यूनिवर्सल ट्रेडर्स के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ है। उल्लेखनीय है कि जिस स्थान पर यह तेंदुआ देखा गया है वहां पर चारो ओर लोगों की रिहायश है तथा तेंदुए की चहलकदमी खतरे से खाली नहीं है। गौर हो कि बीते शनिवार को औद्योगिक क्षेत्र के साथ सटे खैरियां गांव में शमशेर सिंह की एक उतम नस्ल की कुतिया को तेंदुए ने अपना शिकार बनाया था। हालांकि तेंदुआ मवेशियों को शिकार बनाने के लिए आया था लेकिन पालतु कुत्ते से भिड़ंत हो गई, इतने में घर के लोग जाग गए थे। बताया जाता है कि लोगों के शोर मचाने पर तेंदुआ भाग चुका था। वहीं लघु उद्योग संघ के प्रधान प्रेम डोगरा व अन्य कार्यकारिणी सदस्यों ने वन विभाग के आला अधिकारियों से मांग की है इससे पहले कोई अप्रिय घटना घटित हो तेंदुए को पकड़ने समुचित प्रबंध किए जाएं।
The savoury seasonal corn dish of ‘Kachol’ or ‘Kacholtu’, mainly popular in Solan district, would soon become available throughout the year. Preeti Kashyap, a Solan based entrepreneur, with the technical guidance of the scientists of Dr YS Parmar University of Horticulture and Forestry (UHF), Nauni has recently launched a modern take of this traditional product as a frozen ready to cook food. Preeti had joined the university in 2019 in the Department of Food Science and Technology (FST) for a one-year Diploma programme in Fruit and Vegetable Processing and Bakery products. While pursuing her diploma, Preeti took up her idea with the CM Start-Up Scheme of the state. On approval, she was allotted the Department of FST as her incubator to refine her idea and develop it into a marketable product. University scientists Dr Devina Vaidya and her team-Dr Manisha Kaushal and Anil Gupta, provided the scientific input in product development. Preeti got the idea after seeing her grandmother prepare the traditional dish. As the availability of raw material was limited only to a few months, the product could only be made for fresh consumption. Her idea was to make the product available throughout the year in a modernized form. The traditional dish is prepared from fresh corn mixture, which was often steamed on tree leaves and served with ghee. The CM Startup Scheme gave her a platform to explore her idea. The product was recently launched by Dr Parvinder Kaushal, UHF Vice-Chancellor. At UHF, Preeti did extensive testing to increase the shelf life of the product as earlier it was only available during the availability of corn. Thanking the University and the Department of Industries, She said that the mentors at the university helped her to solve the problem of binding and extend the shelf life to nine months as frozen food and that too without the use of any preservative or external flavours. Besides, several tests including moisture and sensory tests have also been undertaken to increase the quality of the final product. Preeti has now set up her company ‘Healthy Food Treasure’ and aims to make the product available in the market by the year-end. She is also in the process of testing sweet, lemon, garlic and fortified variants of the product. Congratulating Preeti and university scientists on their achievement, Dr Parvinder Kaushal said, “It is very encouraging to see young entrepreneurs coming ahead to popularize traditional food items so that more and more people get to taste them. He added that the university is actively encouraging its students to take up entrepreneurship in the argi-horticulture and allied disciplines where they can utilize the knowledge gained at the university to transform people’s lives through their innovative and innovative products. Dr Kaushal added that the university regularly helps farmers and young entrepreneurs to establish new enterprises through the dissemination of information and transfer of technology and will continue to support such initiatives in the future as well. Dr Manoj Vaidya, Nodal officer of the UHF Incubation centre informed that since the inception in 2017-18, the university has enrolled eight incubatees after a shortlist process. Two of the incubatees have managed to launch their product and set up their startup while the prototypes of three incubatees are in the final testing phase. The startup scheme of the Himachal Government envisages practical exposure, orientation training, entrepreneurial guidance and handholding to potential entrepreneurs whose projects are approved. Once a project is recommended by the host institution and approved by the empowered committee, monthly support is provided as a sustenance allowance for one year. The centres support startups and innovation by providing mentoring services, access to their labs, facilities on a free-of-cost basis.
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने पंचायती राज विभाग को भारत सरकार के पंचायती राज मंत्रालय द्वारा दिए जाने वाले ई-पंचायत पुरस्कार-2020 के अंतर्गत प्रथम पुरस्कार हासिल करने पर बधाई दी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंचायती राज मंत्रालय सूचना प्रौद्योगिकी के माध्यम से पंचायतों के कामकाज में कुशलता, पारदर्शिता तथा दक्षता लाने के प्रयास कार्य कर रहा है। जय राम ठाकुर ने कहा कि मंत्रालय विभिन्न राज्यों तथा केन्द्र शासित प्रदेशों में पंचायतों द्वारा सूचना प्रौद्योगिकी के प्रयासों को मान्यता प्रदान करने में अग्रणी रहा है। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार उन प्रदेशों को दिया जाता है, जिन्होंने पंचायतों के विभिन्न कार्यों की निगरानी में सूचना प्रौद्योगिकी का अधिकतम प्रयोग सुनिश्चित किया है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश को यह पुरस्कार केन्द्र सरकार के ई-एप्लीकेशन तथा राज्य सरकार द्वारा विकसित अन्य एप्लीकेशनों के प्रभावी प्रयोग के लिए प्रदान किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की सभी 3,226 पंचायतों को इन्टरनेट सुविधा प्रदान की गई है तथा लोग विभिन्न सेवाओं का ऑनलाइन प्रयोग कर सकते है। उन्होंने कहा कि परिवार रजिस्टर, जन्म पंजीकरण, मृत्यु तथा विवाह पंजीकरण जैसी विभिन्न सेवाएं पंचायतों में ऑनलाइन पंजीकृत की जा रही है।
महिला मोर्चा कसुम्पटी की अध्यक्ष सुलेखा कश्यप ने कसुम्पटी महिला मोर्चा की कार्यकारिणी की घोषणा की है। कार्यकारिणी में उपाध्यक्ष मीरा वर्मा ढली, कान्ता चन्देल जुन्गा, सरोज सलाकटा ,ढली , किरण जुग्गर पीरन होंगे। महामंत्री पामीला कालिया कुफरी, सत्या देवी नालदेहरा होंगे। सचिव सावित्री देवी चैड़ी, नीलम वर्मा दरभोग, रेखा शर्मा मल्याणा होंगे। कार्यालय सचिव दिव्य नानक चम्याणा शहरी होगी, कोषाध्यक्ष कान्ता कश्यप पुजारली, मीडिया प्रभारी ऊमा ठाकुर नावग, सह मीडिया प्रभारी सुमित्रा वर्मा ढली ग्रामीण, कार्यकारिणी संदस्य ऊमा डोगरा जुन्गा, ममता कश्यप कमयाणा, हेम लता शाहल, शकुन्तला कसुम्पटी, नीलम वर्मा कंगनाधार, ममता ठाकुर पटयोग, अनिता भारद्वाज जुन्गा, सीता वर्मा बलोग लरबोटी, अंजु चौहान जनेड़ घाट, आशा धरेच, कमलेश सतलाई, प्रतिष्ठा वर्मा बलोश, ममता शर्मा चमयाणा ग्रामीण, लजा चंदेल मैहली, रेणु धीमान चमयाणा शहरी, सुनीता तन्वर सांगटी होंगी। विशष आमंत्रित संदस्य सभी भाजपा एवं मोर्चा, प्रकोष्ठों की प्रदेश, जिला व मंडल के सभी पदाधिकारी एवं प्रमुख महिलाएं , सभी विशेष आंमत्रित है।
ऑल इंडिया बैंक पेंशनर्स और सेवानिवृत्त परिसंघ के पदाधिकारियों ने केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट अफ़ेयर्स राज्यमंत्री अनुराग ठाकुर कोरोना आपदा से निपटने के लिए अपने संघ की तरफ़ से पीएम-केयर्स फंड में 2.12 करोड़ रुपए की सहायता राशि का चेक सौंपा जिसके लिए अनुराग ठाकुर ने संघ के सभी पदाधिकारियों व सदस्यों का आभार प्रकट किया है। अनुराग ठाकुर ने कहा "कोरोना आपदा जैसी वैश्विक महामारी से देशवासियों को राहत पहुँचाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने पीएम-केयर्स फंड का गठन किया था। इस पीएम-केयर्स फंड में देश वासियों ने अपनी सुविधानुसार स्वैच्छिक दान करके कोरोना आपदा से निपटने में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के हाथों को बल दिया है। पीएम केयर्स फंड के अंतर्गत मेड इन इंडिया के तहत 50 हजार वेंटिलेटर बनाए गए हैं।अब तक 2923 वेंटिलेटरस् बन कर तैयार हो चुके हैं जिसमें से 1340 वेंटिलेटर राज्यों व केंद्रशासित प्रदेशों को दिए जा चुके हैं।इसके अतिरिक्त पीएम-केयर्स फंड का एक बड़ा हिस्सा प्रवासी मज़दूरों को इस आपदा से राहत पहुँचाने पर खर्च किया जा रहा है।” अनुराग ठाकुर ने कहा "आज ऑल इंडिया बैंक पेंशनर्स और सेवानिवृत्त परिसंघ के पदाधिकारियों ने अपने संघ की तरफ़ से पीएम-केयर्स फंड में 2.12 करोड़ रुपए की सहायता राशि का चेक सौंपा जिसके लिए मैं इस संघ के सभी पदाधिकारियों व सदस्यों का आभार प्रकट करता हूँ।आपका यह सहयोग कोरोना के विरुद्ध इस लड़ाई को मज़बूती प्रदान करेगी।” ऑल इंडिया बैंक पेंशनर्स और सेवानिवृत्त परिसंघ के अध्यक्ष श्री के॰वी॰ आचार्य ने कहा "भारत प्रधानमंत्री मोदी की के नेतृत्व में कोरोना आपदा से भली भाँति निपट रहा है। ऑल इंडिया बैंक पेंशनर्स और सेवानिवृत्त परिसंघ ने अपनी तरफ़ से पीएम-केयर्स फंड में 2.12 करोड़ रुपए की सहायता राशि दी है। इस महामारी से निपटने के पुनीत कार्य में पूरा देश एक साथ है।"
हिमाचल प्रदेश ग्रामीण बैंक के अध्यक्ष उदय चन्द्र ने बैंक की ओर से 6,51,000 रुपये का एक चेक एचपी एसडीएमए कोविड-19 स्टेट डिजास्टर रिस्पाॅंस फंड के लिए मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर को भेंट किया। शिव ग्रामीण फ्लोर मिल पालमपुर, जिला कांगड़ा के आशीष कुमार गुप्ता ने भी मुख्यमंत्री राहत कोष के लिए एक लाख रुपये का चेक मुख्यमंत्री को भेंट किया। जय राम ठाकुर ने इस पुनीत कार्य के लिए उनका आभार व्यक्त किया। राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के महाप्रबन्धक आबिद हुसैन सादिक भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
प्रदेश सरकार राज्य के समग्र विकास के उद्देश्य से स्वर्णिम हिमाचल प्रदेश दृष्टिपत्र-2017 के कार्यान्यवन के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। प्रदेश के सभी क्षेत्रों तथा वर्गों के उत्थान के लिए तैयार किए गए इस दृष्टिपत्र को साकार करना सरकार की प्राथमिकता है। यह जानकारी स्वर्णिम हिमाचल प्रदेश दृष्टिपत्र-2017 के कार्यान्यवन के लिए गठित मंत्रिमंडल उप-समिति की बैठक के दौरान अध्यक्ष एवं शिक्षा मन्त्री सुरेश भारद्वाज ने दी। बैठक के दौरान परिवहन तथा तकनीकी शिक्षा से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई। सुरेश भारद्वाज ने कहा कि प्रदेश में कृषि एवं उद्यान उत्पाद के परिवहन के लिए सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुसार जिला प्रशासन द्वारा प्रतिवर्ष एक माननीकृत मूल्य निर्धारण किया जा रहा है, जिससे उत्पादों को मंडियों तक उचित दामों में पहुंचाया जाता है। परिवहन संबंधी समस्याओं के निदान के लिए निदेशालय स्तर पर शिकायत निवारण प्रकोष्ठ की स्थापना की गई है। जिला मुख्यालयों में ट्रांसपोर्ट नगर स्थापित करने के लिए आठ स्थानों का चयन किया गया है तथा इन नगरों के बुनियादी ढांचों और सुविधाओं के लिए अब तक 12 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं। प-समिति के सदस्य व उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ने कहा कि इंजीनियरिंग, फार्मेसी एवं बहुतकनीकी संस्थानों के 606 विद्यार्थियों तथा औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों के 9139 विद्यार्थियों को रोजगार उपलब्ध करवाया गया है। इसके अतिरिक्त ‘स्कीम आॅफ कम्यूनिटी डवेल्पमेंट थ्रू पोलीटेकनिक’ योजना के अंतर्गत 249 प्रशिक्षणर्थियांे को रोजगार दिया गया। उप-समिति के सदस्य एवं परिवहन मन्त्री गोविन्द सिंह ठाकुर ने बैठक के दौरान कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में निजी मिनी बस चालकों को 23 बस रूट परमिट आवंटित किए गए हैं, ताकि लोगों को यातायात सुविधा के साथ-साथ बेरोजगार युवाओं को रोजगार भी मिल सके। हिमाचल पथ परिवहन निगम द्वारा 25 इलैक्ट्रिक बसें कुल्लू व इसके आसपास के कस्बों में चलाई जा रही हैं। प्रदेश के विभिन्न कस्बों में 50 इलेक्ट्रिक टैक्सियां चलाई जा रही हैं। शिमला शहर में कुल 50 इलैक्ट्रिक बसें चलाई जा रही हैं। इस अवसर पर प्रधान सचिव तकनीकी शिक्षा के.के. पंत, उप-समिति के सदस्य सचिव एवं सचिव सामान्य प्रशासन देवेश कुमार तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।
सरकार जिला सिरमौर में विकास कार्यों को गति देने के लिए हर सम्भव प्रयास कर रही है। यह जानकारी मुख्य सचेतक नरेन्द्र बरागटा ने उपायुक्त कार्यालय के बचत भवन में आयोजित जिला प्रशासन द्वारा कोविड-19 के संक्रमण को रोकने के लिए किए गए प्रबन्धों, आर्थिक गतिविधियों को बहाल करने, विभिन्न विकासात्मक योजनाओं व मुख्यमंत्री के आर्थिक प्रोत्साहन पैकेज के कार्यान्वयन समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी। उन्होंने बताया कि जिला सिरमौर में वित वर्ष 2001 से मार्च 2020 तक विभिन्न विकासात्मक कार्यों के लिए सरकार द्वारा 4514.39 करोड़ की मंजूरी दी गई थी जिसमें अब 4206 करोड रूपये खर्च किए गए है और 308.39 करोड़ शेष राशि को शीघ्र ही विकासात्मक कार्यों में व्यय करने के निर्देश जारी कर दिए है ताकि सिरमौर का विकास न रूक सके। उन्होंने बताया कि जिला सिरमौर में लॉकडाउन के दौरान मनरेगा के तहत 7 हजार 927 परिवारों को रोज़गार उपलब्ध करवाया गया है जिसके तहत 15 करोड़ रूपये से अधिक की राशि व्यय की गई है। जिला में मनरेगा के तहत प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन के तहत सभी विकास खण्डों में 2017 से लेकर अब तक 3243 कार्य वितरित किए गए जिसमें नाहन विकास खण्ड में पानी व मृद्वा सरक्षण, सिंचाई संबंधी कार्य, जमीन संबंधी व पोन्ड निर्माण में 632 कार्य पच्छाद विकास खण्ड में 689 कार्य पांवटा साहिब विकास खण्ड में 383 कार्य राजगढ़ में 556 कार्य, संगडाह में 314, शिलाई विकास खण्ड में 669 कार्य में 131 कार्य सिंचाई संबंधी कार्य किए गए। बैठक में उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि जिला सिरमौर में अब सीमेन्ट की कमी होने के कारण मनरेगा के कार्य नहीं रूकेगे, इसकेे लिए सीसीआई राजबन से सीमेन्ट की उपलब्धता के लिए अनुबंध किया गया है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत वर्ष 2017-18 से अब तक जिला सिरमौर में 1324 आवास स्वीकृत करने थे जिसमें अब तक 645 आवास स्वीकृत किए गए है जिसमें लगभग 19 करोड़ रूपये से अधिक की राशि व्यय कि गई है। बैठक में उन्होंने सरकार द्वारा 2022 तक जिला सिरमौर को प्रधानमंत्री आवास योजना के अतंर्गत दिए गए लक्ष्यों को तेजी से पूरा करने और उपायुक्त को इन कार्यों का विश्लेषण करने तथा कार्योे में तेजी लाने के लिए अलग से बैठकों का आयोजन करने और उन बैठकों में सभी विधायकों को शामिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि जिला सिरमौर में अब तक 95 प्रतिशत कोविड-19 के पॉजिटीव केसों का पता लगाया गया है और प्रशासन के प्रयास से जिला सिरमौर में कोरोना से एक भी व्यक्ति की मृत्यु नहीं हुई है इसके अतिरिक्त जिला में कोरोना टेस्टीग लैब की स्थापना की गई और जिला में हिमाचल का पहला आयुष समर्पित कोविड केयर अस्पताल का कार्य भी प्रगति पर है। उन्होंने बताया कि सिरमौर हिमाचल का पहला ऐसा जिला है जहां कोविड 19 से लडने के लिए लोगों में रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए आयुष किट व चमनप्राश को लॉन्च किया। इसके अतिरिक्त जिला में लॉकडाउन के दौरान लोगों को आवश्यक वस्तुओं की सुविधा प्रदान करने के लिए फुड हेल्पलाइन नम्बर, मेडिसन हेल्पलाइन नम्बर, प्रवासी मजदूरों के लिए हेल्पलाईन नम्बर, पशु पालकों को सुविधा के लिए हेल्पलाइन नम्बर, किसान हेल्पलाईन नम्बर जारी किए है। जिला सिरमौर में सेल्यून, बार्बर, ब्यूटी पार्लर और जीम संचालकों को प्रशिक्षण देकर एसओपीज जारी किए गए। बैठक के बाद आयोजित प्रैस वार्ता में उन्होंने कोरोना महामारी में कोरोना वारियर्स को उनके योगदान के लिए सराहा और मीडिया को लॉकडाउन के दौरान लोगों को कोरोना से बचने और सावधानी बरतने के बारे में जागरूक करने के लिए आभार व्यक्त किया।
हिमाचल प्रदेश में सैनिटाइजर घोटाला तथा कोविड 19 के दौरान की गई अन्य खरीद के मामलों को लेकर कांग्रेस उग्र हो गई है। बिलासपुर में कांग्रेस पार्टी की जिला अध्यक्ष अंजना धीमान के नेतृत्व में उपायुक्त के माध्यम से राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा गया जिसमें मांग की गई कि सारे घोटाले की जांच उच्च न्यायालय के किसी वर्तमान न्यायधीश से करवाई जाए ताकि इसमें किसी प्रकार की हेराफेरी की कोई गुंजाइश नहीं रहे। बाद में पत्रकारों को संबोधित करते हुए अंजना धीमान ने कहा कि केवल मात्र भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष द्वारा त्यागपत्र दिए जाने को ही इतिश्री मान कर वर्तमान सरकार चुप हो गई है जबकि स्वास्थ्य विभाग का जिम्मा मुख्यमंत्री के पास होने के नाते उनकी भी इस मामले में नैतिक जिम्मेवारी बनती है कि वह इस बारे में कुछ कहें। उन्होंने कहा कि एक तरफ पूरा देश कोविड 19 के कारण संकटकालीन परिस्थितियों से गुजर रहा है। वहीं दूसरी तरफ प्रदेश भाजपा सरकार के कार्यकाल में स्वास्थ्य विभाग में पीपीई किट व दवा घोटाले हो रहें है जिससे देवभूमि शर्मसार हुई है। उन्होंने कहा कि इस मुददे पर पहले जिला कांग्रेस द्वारा जिला स्तर पर सरकार को ज्ञापन प्रेषित किए तथा अब प्रदेश कांग्रेस कमेटी हाईकमान ने ब्लाक स्तर पर राज्यपाल को ज्ञापन प्रेषित करने का निर्णय लिया है। उन्होंने सरकार से पेट्रोल डीजल के दाम तथा मंहगाई पर लगाम कसने की मांग की है। उन्होंने इस अवसर पर गत दिनों चीनी सेना भारतीय सेना के साथ की गई कार्यरना हमले की कड़ी निंदा की तथा केंद्र सरकार से चीनी सामान का आयात बंद करने की मांग की है। इस अवसर बीडीसी उपाध्यक्ष निर्मला धीमान, अनुराग पंडित,रोहित शर्मा सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद थे।
जिला दण्डाधिकारी सोलन के.सी. चमन ने नालागढ़ उपमण्डल में कुछ क्षेत्रों को कन्टेनमेंट जोन घोषित करने के सम्बन्ध में आदेश जारी किए हैं। यह आदेश इन क्षेत्रों में कोविड-19 के रोगी पाए जाने तथा उपमण्डलाधिकारी नालागढ़ की रिपोर्ट के आधार पर जारी किए गए हैं। जिला दण्डाधिकारी द्वारा जारी आदेशों के अनुसार नालागढ़ उपमण्डल में वार्ड नम्बर-3, नालागढ़ तहसील, नालागढ़ में पाए गए कोविड-19 रोगी के आवास तथा बुटीक की बाड़बंदी की जाएगी। नगर परिषद नालागढ़ के वार्ड नम्बर-2 में स्थित लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह के प्रवेश द्वार से गुग्गामाड़ी चैक तक के मार्ग की पूर्ण बाड़बंदी करने के आदेश जारी किए गए हैं। रोपड़ चैक से गुग्गामाड़ी चैक वाया बर्फानी चैक मार्ग की पूर्ण बाड़बंदी करने के आदेश जारी किए गए हैं। जिला दण्डाधिकारी ने आपराधिक दण्ड संहिता की धारा 144 के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए कन्टेनमेंट जोन में लोगों तथा वाहनों (आवश्यक वस्तुओं को छोड़कर) की आवाजाही पर पूर्ण प्रतिबन्ध लगा दिया है। आदेशों के अनुसार आवश्यक सेवाएं प्रदान करने के लिए प्रयुक्त अधिकारी एवं कर्मचारी उक्त क्षेत्र में आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति सुनिश्चित बनाएंगे। उक्त क्षेत्र में पेयजल तथा बिजली की निर्बाध आपूर्ति भी सुनिश्चित बनाई जाएगी। खण्ड चिकित्सा अधिकारी नालागढ़ क्षेत्र में फ्लू जैसी बीमारी के लक्षणों वाले व्यक्तियों की घर-घर स्क्रीनिंग के लिए समुचित संख्या में टीमें तैनात करना सुनिश्चित करेंगे। इस दिशा में पूरी निगरानी रखी जाएगी। क्षेत्र में संक्रमित व्यक्ति के सम्पर्क में आए सभी व्यक्तियों की खोज कर उनकी जांच की जाएगी और उन्हें आईसोेलेट किया जाएगा। आदेशों के अनुसार पुलिस अधीक्षक बद्दी कन्टेनमेंट जोन में प्रवेश तथा निकासी प्रतिबन्धित करने के लिए समुचित संख्या में पुलिस बल की तैनाती करेंगे। उक्त क्षेत्र में वाहनों का आवागमन नियन्त्रित करने के लिए पुलिस नाके भी लगाएगी। कानून एवं व्यवस्था की स्थिति बनाए रखने के लिए तैनात अधिकारियों एवं कर्मचारियों के अतिरिक्त किसी अन्य व्यक्ति को कन्टेनमेंट जोन में आने-जाने की अनुमति नहीं होगी। उपमण्डलाधिकारी नालागढ़ यह सुनिश्चित बनाएंगे कि कन्टेनमेंट जोन में प्रवेश तथा निकासी के समय सभी वाहनों को अनिवार्य रूप से सेनिटाइज किया जाए। यह आदेश उपमण्डलाधिकारी नालागढ़ द्वारा क्षेत्र में कोविड-19 के पाॅजिटिव रोगियों के सम्बन्ध में प्रेषित संस्तुति तथा केन्द्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के अनुरूप किए गए हैं। उपमण्डलाधिकारी नालागढ़ उक्त कन्टेनमेंट जोन के लिए समग्र प्रभारी होंगे। तहसीलदार नालागढ़ उनके सहायक होंगे। आदेश कन्टेनमेंट जोन में स्वास्थ्य परीक्षण के लिए नमूने एकत्र करने की प्रक्रिया पूर्ण होने एवं सभी नमूनों की रिपोर्ट नेगेटिव आने तक लागू रहेंगे।
हिमाचल प्रदेश निजी शैक्षणिक संस्थान नियामक आयोग के सदस्य डाॅ. एसपी कत्याल ने बुधवार को राजभवन में राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय से भेंट की। कुछ विश्वविद्यालयों में पाई गई अनियमितताओं पर चिंता व्यक्त करते हुए राज्यपाल ने कहा कि विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ नहीं किया जाना चाहिए तथा उनके अकादमिक सत्र भी खराब नहीं होने चाहिए। उन्होंने कहा कि इसके लिए आयोग को अपने स्तर पर पहल करनी चाहिए, क्योंकि यह विद्यार्थियों के भविष्य से जुड़ा प्रश्न है। उन्होंने कहा कि निजी विश्वविद्यालयों द्वारा प्रदान की जा रही शिक्षा की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। उन्होंने आयोग को उनके क्षेत्राधिकार के अंतर्गत विश्वविद्यालयों और काॅलेजों की वस्तुस्थिति रिपोर्ट भी प्रदान करने को कहा। डाॅ. कत्याल ने आयोग द्वारा राज्य के उच्च शैक्षणिक संस्थानों में गुणवत्तायुक्त शिक्षा तथा निगरानी प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए की गई पहल की भी जानकारी दी।
जिला कांगड़ा पुलिस द्वारा नशे के खिलाफ चलाये गये अभियान के तहत थाना डमटाल की पुलिस टीम ने गश्त के दौरान भदरोया के पास के गाड़ी न0 HP 33B 8550 PUNTO में बैठे तीन लड़को व एक लड़की से 8.38 ग्राम हेरोइन व 1102 नशीले कैप्सूल बरामद करने में सफलता हासिल की। आरोपियों पर थाना डमटाल में मुकद्दमा अंडर सेक्शन 21,22 of NDPS Act दर्ज थाना किया गया। आरोपियों की पहचान शिदान्त ठाकुर पुत्र नरदेव सिंह गांव मदेच डाकघर द्रमन तहसील शाहपुर जिला कांगड़ा, अभिशान्त पुत्र अनेक सिंह VPO द्रमन तहसील शाहपुर जिला कांगड़ा, रजत कुमार पुत्र स्वर्ण सिंह गांव परेही डा भजरेहड़ तहसील शाहपुर जिला कांगड़ा व चौथी लड़की की पहचान रीना (काल्पनिक नाम) चेतडु जिला कांगड़ा हि.प्र उम्र 23 साल के रूप में हुई है। एस पी कांगड़ा विमुक्त रंजन ने पुष्टि करते हुए कहा कि पुलिस आगामी करवाई अमल में ला रही है।
मिनी सचिवालय सोलन स्थित कैन्टीन की नीलामी 03 जुलाई, 2020 को मिनी सचिवालय के उपायुक्त कार्यालय के बैठक कक्ष में होगी। यह जानकारी अतिरिक्त उपायुक्त विवेक चंदेल ने आज यहां दी। विवेक चंदेल ने कहा कि नीलामी 03 जुलाई को प्रातः 11.00 बजे होगी। उन्होंने कहा कि नीलामी के लिए इच्छुक ठेकेदार को एक लाख रुपए की धरोहर राशि का चैक अथवा ड्राफ्ट उपायुक्त सोलन के नाम पर बनाकर प्रार्थना पत्र के साथ संलग्न करना होगा। उन्होंने कहा कि ठेकेदार को कैन्टीन में खाने की गुणवत्ता एवं स्वच्छता का ध्यान रखना होगा। कैन्टीन की मान्यता दो वर्ष के लिए होगी। संतोषजनक सेवाएं होने पर अनुबंध की अवधि को एक वर्ष के लिए बढ़ाया जा सकता है। इसके लिए किराए में बढ़ोतरी की दर अलग से निर्धारित की जाएगी। अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2020-21 के लिए कैन्टीन में खाद्य वस्तुओं की दरें निर्धारित कर दी गई हैं। ठेकेदार को इन दरों के अनुसार खाद्य पदार्थों की बिक्री करनी होगी। इन दरों के अनुसार चाय 07 रुपए, काॅफी 15 रुपए, कोल्ड काॅफी 20 रुपए, प्लेन परांठा 10 रुपए, भरा हुआ परांठा 20 रुपए, तवे की चपाती 05 रुपए, तंदूर की चपाती 06 रुपए, हाॅफ थाली 30 रुपए, फुल थाली 60 रुपए, स्पेशल थाली 140 रुपए, मटर-पनीर व पालक पनीर 40 रुपए, सैंडविच 15 रुपए, ब्रेड पकोड़ा 10 रुपए, पैटीज 15 रुपए, चैमिन फुल प्लेट 50 रुपए, चैमिन हाफ प्लेट 30 रुपए, समोसा 10 रुपए, चना भटूरा, दही-सलाद व आचार के साथ 50 रुपए, सब्जी दही के साथ चार पुरी 40 रुपए तथा चना समोसा 30 रुपए के मूल्य पर विक्रय किया जा सकेगा।
जमा दो आर्ट्स की परीक्षा में छठा स्थान हासिल करने वाली पूजा देवी ने बुधवार को अपनी माता सरिता देवी के साथ उपायुक्त ऊना संदीप कुमार से मुलाकात की। इस अवसर पर डीसी ने पूजा को इनाम दिया तथा मिठाई भेंट की और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उपायुक्त ने पूजा को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि आत्मविश्वास बनाए रखें तो किसी भी कठिनाई से पार पाया जा सकता है। जीवन में लक्ष्य बनाकर परिश्रम करने से सफलता अवश्य मिलती है। उन्होंने कहा कि वह पूजा की मदद के लिए तत्पर हैं तथा कोई भी मुश्किल हो तो उनसे संपर्क करने में जरा सा भी संकोच न करें। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला चुरड़ी की छात्रा पूजा ने बताया कि 18 जून को उसका जमा दो का रिजल्ट आया था तथा उसने प्रदेश में छठा व जिला ऊना में पहला स्थान हासिल किया है। पिता एक प्राइवेट स्कूल में ड्राइवर हैं और माता घर का काम देखती हैं। पूजा ने कहा कि उसका लक्ष्य आईएएस बनना है और उसे तब बहुत खुशी महसूस हुई थी जब मेरिट में आने के बाद जिलाधीश संदीप कुमार ने फोन पर उसे बधाई दी थी। फोन आने के बाद उसने ऊना आकर डीसी से मिलने का निश्चय किया और आज वह उपायुक्त संदीप कुमार से मिलकर बेहद खुश है।
भाजपा युवा मोर्चा अर्की मंडल द्वारा बुधवार को अर्की मुख्यालय पर चीन के राष्ट्रपति जिनपिंग का पुतला फुंका गया। इससे पूर्व युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओ ने पार्टी कार्यालय से नए बस स्टेन्ड तक चीन व राष्ट्रपति जिनपिंग के खिलाफ नारे बाज़ी करते हुए रैली निकाली तथा नए बस स्टैंड चौक पर वक्ताओं ने चीन द्वारा भारतीय सैनिकों के साथ की गई बर्बरता पूर्ण कार्रवाई की कड़ी निन्दा की एवम केंद्र सरकार से मांग की कि जब तक चीन द्वारा भारत की हड़पी गई भूमि वापस नही होती है तब तक केंद्र सरकार चीन को हर तरह से कड़ा जवाब देती रहे क्योकि ऐसा मौका दोबारा नही मिलने वाला है। साथ ही युवा मोर्चा ने लोगों से आह्वान किया कि वे चीन द्वारा बनाई गई वस्तुओं का पूर्ण रूप से बायकाट करे। युवा मोर्चा ने प्रधानमंत्री द्वारा अभी तक चीन के खिलाफ उठाए गए कदमों की सराहना की। इस अवसर पर युवा मोर्चा के मंडल अध्यक्ष महेन्द्र ठाकुर, विजय शर्मा व हेमराज ठाकुर, उपाध्यक्ष बृज लाल विकास, राकेश, भूपेन्द्र भारद्वाज, हरीश, नवनीत, चंदन, अनिल, सूर्यकांत, संजीव, प्रेम व मनोज आदि सहित अन्य कार्यकर्ता भी शामिल रहे।
बुधवार को दिन के समय मौसम ने अचानक करवट ली और बरसात की पहली बारिश पड़ने से किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। किसान कई दिनों से आसमान की ओर टकटकी लगाए बैठे थे कि कब वर्षा हो और वे खरीफ की फसल की बुवाई करें। इस वर्षा के होने से अब किसान प्रसन्न होकर खरीफ की फसल की बुवाई की तैयारियां शुरू करने लग पड़े हैं। स्थानीय किसानों में नरेंद्र सिंह चौधरी, इंदर सिंह चौधरी, धनीराम चौधरी, श्याम, ओमप्रकाश शर्मा, संजू शर्मा, मदन शर्मा, बंटू शुक्ला, बसंत सिंह ठाकुर, जय सिंह ठाकुर, जगदीश्वर शुक्ला, प्रेम केशव, हेतराम ठाकुर, प्रेम ठाकुर, तिलक शर्मा, धर्मपाल शुक्ला, दीपक गजपति सहित अन्य ग्रामीणों का कहना है कि मक्की, भिंडी, करेला, ककड़ी, कद्दू व कई प्रकार की सब्जियों की बुवाई के लिए अभी यह उचित समय है। अब उन्हें विश्वास है कि इस बारिश से समय पर बुवाई होगी और उन्हें अच्छी फसल मिलेगी। कुछ किसानों ने तो वर्षा की उम्मीद छोड़ कर सूखे में ही बुवाई करनी शुरू कर दी थी लेकिन अब उन्हें अच्छे परिणाम मिलने की उम्मीद जग गई है। खाता, बागा, सुल्ली, सर डमरास, कंस्वाला, पारनु, डेरा, सेरा, फगवाना, समाणा, सतोटी, शमेली, काकड़ा, इत्यादि गांव के किसान इस वर्षा से जमीन में हुई नमी का भरपूर फायदा उठा रहे हैं और एकदम बुवाई की तैयारियां कर रहे हैं। बता दे कि पिछले दो सप्ताह से भारी गर्मी पड़ रही थी व जिन किसानों ने खेतो में फसल के बीज बो दिए थे उन्हें भी फसल नष्ट होने का डर सता रहा था परन्तु अब अच्छी बारिश होने से फसल के साथ साथ इस उमस से भी लोगो को राहत मिलेगी।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य राम लाल ठाकुर, पूर्व उद्योग मंत्री व विधायक श्री नयना देवी जी विधानसभा क्षेत्र ने केंद्र सरकार पर पेट्रोल और डीजल की कीमतों के लेकर निशाना साधा है। राम लाल ठाकुर ने कहा अब जब अंतराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें 41 डॉलर प्रति बैरल है तो देश मे पेट्रोल और डीजल की कीमतें क्यों बढ़ाई जा रही हैं। आम जनता में इसको लेकर हाहाकार मची हुई है और देश के वितमंत्री व पेट्रोलियम मंत्री वर्चुअल रैलियां करने में व्यस्त है। राम लाल ठाकुर ने कहा था कि यह वही सरकार है जो देश मे पेट्रोल और डीजल की कीमतों के बढ़ने पर राजघाट में महात्मा गांधी जी की समाधि के आगे मगरमच्छ के आँसू रोते थे या फिर देश की राजधानी दिल्ली के नुक्कड़ों में महंगाई के खिलाफ नाच गा कर खुशियां मनाते हुए विरोध प्रदर्शन करते थे। राम लाल ठाकुर ने कहा कि अब तक इतिहास में यह पहली बार हुआ है कि पेट्रोल से महंगा डीजल हो गया है। उन्हीने कहा कि लगातार 18वें दिन कीमतें बढ़ीं है। तेल मार्केटिंग कंपनियों ने पिछले 18 दिनों में पेट्रोल की कीमतों में लगभग 8.50 रुपये का इजाफा किया है। वहीं डीजल पिछले 18 दिनों में 10.25 रुपये महंगा हुआ है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि देश मे पेट्रोल डीजल की कीमतों को लेकर अराजकता जा मौहल बनता जा रहा है। उन्होंने कहा यह भी एक इतिहास बन गया कि डीज़ल पेटोल से महंगा हो गया और देश का हर नागरिक क्षुब्ध है। ठाकुर ने कहा कि अगर प्रदेश सरकार इन बढ़ी हुई कीमतों को लेकर कुछ भी नही कर सकती है तो केंद्र सरकार को बढ़ी हुई कीमतों को कम करने हेतू लिख तो सकती है और प्रदेश सरकार चाहे तो डीज़ल पेट्रोल पर लगने वाली राज्य एक्साइज ड्यूटी और वैट को तो कम कर ही सकती है। प्रदेश के मुख्यमंत्री को यह भी देखना चाहिए कि हिमाचल प्रदेश एक पर्वतीय राज्य है और वह खुद भी एक पर्वतीय क्षेत्र से संबंध रखते है और यहां पर औद्योगिक क्षेत्र अन्य प्रदेशों से कम है जबकि यहां की मुख्य आमदनी कृषि व पर्यटन व्यवसाय पर आधारित है। कोविड -19 की वजह से प्रदेश में कृषि और पर्यटन व्यवसाय बुरी तरह से प्रभावित हुआ है तो प्रदेश में आमजन की मुसीबतों को देखते हुए पेट्रोल और डीजल की कीमतें पर नियंत्रण किया जाना अति आवश्यक है।
फर्जी डिग्री मामले को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने अपने तेवर कड़े कर दिए हैं। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की प्रदेश इकाई इसी विषय को लेकर हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल से मिले तथा दागी यूनिवर्सिटी मानव भारती और इंडस के दाखिले और सभी कोर्स की मान्यता रद्द करने की मांग उठाई। एबीवीपी प्रदेश प्रतिनिधित्व ने राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा जिसके अंतर्गत उन्होंने निजी विश्वविद्यालय में हुई फर्जी डिग्रियों की धांधली को लेकर कड़ा रोष व्यक्त किया। विद्यार्थी परिषद ने कहा की 3 मार्च को मानव भारती पर एफ आई आर हुई और और 9 मार्च को इंडस यूनिवर्सिटी पर एफ आई आर हुई जहां मानव भारती के पास कई फर्जी डिग्रियां पकड़ी गई वही इंडस यूनिवर्सिटी में 7 वर्ष से एक अध्यापक फर्जी डिग्री के साथ पढ़ा रहा था और इंडस यूनिवर्सिटी ने अपने रेगुलर चार कर्मियों को रेगुलर कोर्स की चार फर्जी डिग्रियां दे दी थी। इंडस यूनिवर्सिटी की मैनेजमेंट ने खुद प्रेस नोट जारी करके कहा कि इंडस डिग्रियां कॉरेस्पोंडेंस पार्ट टाइम मोड इवनिंग क्लासेस डिस्टेंस एजुकेशन के रूप में देता है। मगर ऐसा करने की अनुमति इंडस को कभी नहीं थी और न ही इसकी मान्यता उन्हें कभी प्रदेश सरकार से मिली थी। और तो और अध्यापकों को यह तक कहा कि जो लोग यहां पर काम कर रहे हैं उन्हें बिना कक्षा लगाए हाजिरी दी जाए ताकि वह अपनी परीक्षाएं दे सकें जोकि सरेआम धांधली है। ऐसे में यह विषय प्रदेश के लिए शर्म की बात है। विद्यार्थी परिषद के प्रदेश मंत्री राहुल राणा ने कहा कि उन्होंने अपने ज्ञापन के माध्यम से मानव भारती और इंडस यूनिवर्सिटी के दाखिले तथा सभी को रद्द करने की मांग की है साथ थी यह भी मांग की है कि कहीं जिन लोगों को फर्जी डिग्रियां दी है उनके नाम से कहीं निजी विश्वविद्यालय ने कोई स्कॉलरशिप तो नहीं ली है इसलिए फर्जी डिग्री स्कैम को स्कॉलरशिप स्कैम से जोड़ना जरूरी है। राहुल राणा ने कहा कि निजी विश्वविद्यालय में पीएचडी तथा और रिसर्च वर्क की भी अनुमति है लेकिन इसकी भी जांच होनी चाहिए कि कहीं पीएचडी डिस्टेंस मोड में तो नहीं चला दी है जो यूजीसी के नियमों के खिलाफ है। राणा ने कहा कि ना केवल अध्यापक तथा छात्र फर्जी डिग्रियों के साथ हैं बल्कि निजी विश्वविद्यालय में कुलपति भी ऐसे हैं जिन्होंने एक समय पर 3-3 डिग्रियां ली हैं जो सरासर गलत है। विद्यार्थी परिषद ने कहा कि जिन भी यूनिवर्सिटीओं में बिना मान्यता की कोई डिग्री गैर कानूनी तरीके से दी गई है उसे फर्जी घोषित किया जाए और अगर इन डिग्रियों के बदले कोई स्कॉलरशिप निजी विश्वविद्यालय ने मांगी है या ली है उसे काले धन के रूप में माना जाए। साथ ही इन सभी डिग्रियों को अवैध घोषित किया जाए और यूनिवर्सिटी पर अपराधिक मामले दर्ज हो तथा इन दोनों निजी विश्वविद्यालय पर सरकार एडमिनिस्ट्रेटर नियुक्त करें ताकि छात्रों का भविष्य बर्बाद ना हो । विद्यार्थी परिषद ने महामहिम से यह भी मांग की यह भी सुनिश्चित किया जाए कि सभी निजी विश्वविद्यालयों पर HP-PERC द्वारा कड़ी नजर रखी जाए ताकि भविष्य में देव भूमि हिमाचल को शर्मशार ना होना पड़े।
बजरंग दल विश्व हिंदू परिषद बिलासपुर इकाई ने बुधवार को चाइनीज सामान की होली जलाई व चीन के राष्ट्रपति का पुतला घुमारवीं के गांधी चौक पर जलाया। यह कार्यक्रम बजरंग दल प्रांत संयोजक अधिवक्ता तुषार डोगरा की अगुवाई में संपन्न हुआ। इसमें दुकानदारों को चाइनीज सामान को बेचने से होने वाले नुकसान व स्वदेशी अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। इसके लिए पूरे बाजार में बजरंग दल द्वारा पत्रक वितरण भी किया गया। साथ में भारत के जो जवान शहीद हुए उनके लिए मौन रखकर कार्यक्रम की शुरुवात की गई। अधिवक्ता तुषार डोगरा ने घूमारवी चौक पर सभी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि आज देश आत्म निर्भर भारत की तरफ बढ़ रहा है स्वदेशी अपनाने के लिए आज सभी लोगों को प्रेरित करने का कारण यह है कि हम सभी लोग सुबह से लेकर शाम तक अनगिनत चाइनीज समान का प्रयोग करते हैं। चाहे वह हमारे बाथरूम में हो या रसोई घर में। हम भारत के नागरिक उन लोगों का आर्थिक मजबूती कर रहे हैं जो भारत के जवानों को बॉर्डर पर मार रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत सरकार डब्ल्यूटीओ के कानून के तहत उनसे पूर्णत व्यापार बंद नहीं कर सकती लेकिन भारत का नागरिक होने के नाते हम सभी लोगों का उत्तर दायित्व बनता है कि हम उनका आर्थिक बहिष्कार करें और अपने स्वदेश में बनी हुई वस्तुओं को खरीदें ताकि भारत का पैसा भारत में रहे और भारत की उन्नति व तरक्की में लगे। इस अवसर पर दिनेश पंडित विमला अगिरस विजय पाल शर्मा अश्वनी कपिल नीरज लकी शर्मा प्रवीण धीमान कमल महाजन अनिल शर्मा संजीव ढिल्लों गोपाल राणा, साहिल ठाकुर लखबीर चंदेल लकी चंदेल, कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
झंडूता उपमण्डल की ग्राम पंचायत घण्डीर के गांव दधोग के लोग कृषि पर ही निर्भर थे, उनकी आर्थिकी का एकमात्र साधन खेती-बाड़ी थी। सरयाली खड्ड के किनारे भूमि होने के कारण जमीन काफी उपजाऊ थी लेकिन आवारा बेसहारा पशुओं के झूंड आते और फसलों को तबाह/नष्ट करते व खा लेते है, जिससे किसानों को बहुत अधिक आर्थिकी का नुकसान हो रहा था और किसान काफी परेशान हो रहे थे। किसान दिन-रात खेतों में पहरा देकर पशुओं को भगाने में लगे रहते, कई बार तो पशु उन्हें घायल करके भी चले जाते। किसानों ने कई बार तो निराश होकर खेती-बाड़ी न करने का फैसला लिया लेकिन उन्हें भविष्य में आर्थिकी का और कोई रास्ता नजर नहीं आता। जैसे ही किसानों को पता चला की प्रदेश सरकार द्वारा किसानों को इस संकट से निकालने के लिए कृषि विभाग के माध्यम मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना शुरू की गई है, उनकी खुशी का ठिकाना न रहा और उन्होंने कृषि विभाग से सम्पर्क किया। कृषि विभाग के अधिकारियों ने उन्हें मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना के बारे में विस्तृत रूप जानकारी दी और बताया कि फसलों को पशुओं से बचाने के लिए मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना चलाई जा रही है जिसके तहत किसानों को बाड़ लगाने के लिए सब्सिडी प्रदान की जा रही है। इस योजना के अंतर्गत किसानों को 80 से 85 प्रतिशत तक की सब्सिडी दी जा रही है। मुख्यमंत्री।खेत संरक्षण योजना किसानों और बागवानों दोनों के लिए फायदेमंद है। मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना के लिए किसान को 20 प्रतिशत तक राशी खर्च करनी पड़ेगी। यदि कोई किसान अकेले इस योजना का लाभ उठाने में अर्स्मथ है तो किसान सामुहिक तौर पर भी इस योजना का लाभ उठा सकते है और समूह में इस योजना के तहत किसानों को सिर्फ 15 प्रतिशत राशि ही देनी पड़ेगी। ग्राम पंचायत घंडीर के गांव दधोग के किसानों ने अपनी फसलों को बचाने के लिए मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना का लाभ सामुहिक तौर लेने का निर्णय लिए दधोग गांव जोकि सरयाली खड़ के साथ लगता है के 18 परिवार जिसमें बालक राम, रमेश चंद, श्रीराम, रामी देवी, लेख राम, राजेश कुमार, किशोरी लाल, जगदीश, जोगेंद्र पाल, विद्या सागर, पवन कुमार, नुरातु देवी, केसरी देवी, सदा राम, निक्का राम, बलदेव राज, लेख राम, प्रेम लाल के ने मिल कर अपनी जमीन की सामूहिक सौलर बाड़ बंदी करवाई और योजना का लाभ प्राप्त किया जिसमें 85 प्रतिशत अनुदान सरकार द्वारा दिया गया। दधोग गांव के 178 बीघा 6 बिस्वा क्षेत्र कवर किया गया है। इस सौलर बाड़ बंदी पर 16 लाख 63 हजार 5 सौ 30 रुपये खर्च किए गए है जिसमे 14 लाख 14 हजार रुपए सरकार द्वारा अनुदान दिया गया और 2 लाख 49 हजार 5 सौ 30 रुपये का किसानों का शेयर शामिल है। इसके तहत खेतों के चारों ओर 1797 मीटर सोलर स्वचलित बाड़ लगाई।गई है जिसके लिए सोलर से चार्ज 3 बैटरियों लगाई गई है ताकि बाड़ रात को भी कार्य कर सके। किसानों ने बताया कि सोलर बाड़ बन्दी के उपरांत इस बार उन्होंने गेंहू की भरपूर फसल ली है। पहले उन्हें फसलों की रखवाली करने के लिए काफी लोगों को।खेतों की रखवाली करने के लिए खेतों में रूकना पड़ता था। अब वे बिना किसी।डर से अपने दैनिक कार्यों को निपटाने के लिए बाहर जा रहे है और अपनी।आर्थिकी को मजबूत करने के लिए दिहाड़ी इत्यादि का कार्य कर रहे है। कृषि विभाग द्वारा किसानों के हित के लिए इस योजना को शुरू करने के लिए।किसानों ने प्रदेश सरकार का आभार व्यक्त किया है। विषय वाद विशेषज्ञ कृषि झंडूता अशोक चन्देल ने बताया कि कृषि विभाग के माध्यम से किसानों के कल्याणार्थ चलाई जा रही विभिन्न सरकारी योजनाओं के बारे में नियमित रूप से किसानों को जागरूक किया जाता है तथा कृषि योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया जा रहा है ताकि किसान इन योजनाओं का लाभ लेकर लाभान्वित हो सके और अपनी आर्थिकी को सुदृढ़ बना सके। उन्होंने बताया कि दधोग गांव के किसानों ने इस योजना का लाभ लेकर मिसाल कायम की है।
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड की वरीयता सूची में अपना नाम अंकित करवा चुके बिलासपुर नगर के नवज्योति सीनियर सेकेंडरी स्कूल का 10वीं कक्षा का परीक्षा का परिणाम शत प्रतिशत रहा है। यह जानकारी देते हुए स्कूल की प्रिंसीपल शालिनी शर्मा ने बताया कि दसवीं की परीक्षा में शौर्य सांख्यान ने मेरिट लिस्ट में नवम स्थान हासिल किया है इसके साथ ही न केवल एक विद्यार्थी बल्कि सभी विद्यार्थी प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण हुए हैं। शौर्य सांख्यान ने 98 प्रतिशत अंक, स्नेहा ने 90, त्रिशल ने 89, अक्षय ने 80, अपर्ना ने 78, रशमी ने 77, शुभम ने 75, मयंक ने 71, रितिका ने 64, बिंदिया और आशीष ने 63-63 प्रतिशत अंक लेकर स्कूल का और अपने अभिभावकों का नाम रौशन किया है। शालिनी शर्मा ने स्कूल के बेहतरीन परीक्षा परिणाम के लिए बच्चों की मेहनत और शिक्षकों के कुशल मार्गदर्शन के अलावा अभिभावकों को भी बधाई दी है। प्रिंसीपल शालिनी शर्मा ने कहा कि विद्यालय प्रबंधन की कोशिश यही रहती है कि सभी विद्यार्थियों पर बराबर ध्यान दिया जाए तथा सब को आगे बढ़ने का अवसर प्रदान किया जाए। आज के इस कठिन दौर में भी विद्यार्थियों की ऑनलाइन कक्षाएं अनवरत जारी है और 40 प्रतिशत सिलेबस कवर भी करवाया जा चुका है। उन्होंने कहा कि जो विद्यार्थी नए प्रवेश कर रहे हैं उनके लिए अलग से समय सारणी बनाकर उनको आजकल छुट्टियों में कार्य करवाया जा रहा है ताकि जो कक्षा कार्य हो चुका है वह उससे वंचित ना रहे।
वाकया जिला काँगड़ा के नूरपुर की पंचायत बरंडा का है जहाँ एक बच्ची, जिसकी उम्र लगभग 16 बर्ष है ने आरोप लगाया था कि स्वर्ण सिंह जिसकी उम्र लगभग 50 वर्ष है, ने उससे छेड़-छाड़ की है। इस बात की शिकायत लड़की द्वारा पुलिस को किए जाने पर पुलिस ने उक्त व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी थी, लेकिन स्वर्ण सिंह का कोई पता नहीं चल पा रहा था कि वह कहाँ है। तभी दो दिन के बाद स्वर्ण सिंह को एक पेड़ से मृत अवस्था में लटका पाया गया। बता दें कि स्वर्ण सिंह की दो बेटियां और एक बेटा है। कहा जा रहा है कि समाजिक लज्जा के कारण उन्होंने आत्महत्या की है लेकिन अभी तक इसका खुलासा पूर्ण रूप से होना शेष है। उक्त व्यक्ति का शव अभी नूरपुर अस्पताल में रखा गया और उसे बुधवार को ही पोस्ट मोर्टेम के लिए टांडा भेजा जाएगा। बरंडा पंचायत प्रधान ने बताया कि उन्होंने पूर्वकाल में स्वर्ण सिंह के बारे में ऐसा कभी नहीं सुना था।
कुछ समाचार-पत्रों में हिमाचल प्रदेश में लोगों के आने पर प्रतिबंध के संदर्भ में प्रकाशित समाचारों के बारे में प्रदेश सरकार के एक आधिकारिक प्रवक्ता ने स्पष्ट किया है कि उद्योगों, व्यापारियों और सेब उत्पादकों तथा सरकारी विभागों की आवश्यकता के अनुरूप श्रमिकों, व्यवसायियों, व्यापारियों तथा कारखानों में काम करने वाले श्रमिकों को राज्य में आने की अनुमति मानक संचालन प्रक्रिया के अनुरूप पहले ही प्रदान की गई है। इसी प्रक्रिया के अनुरूप ही लोगों को राज्य में आने की अनुमति प्रदान की जाएगी। प्रवक्ता ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा ई-पास जारी करने के लिए लागू किए गए प्रतिबंध केवल अन्य लोगों के लिए हैं। उन्होंने बताया कि ऐसा राज्य में बिना किसी वैध कारण सेे आने वाले लोगों को रोकने के लिए किया गया है।
दस जमा दो वाणिज्य संकाय में प्रदेश भर में छठे स्थान पर आने वाली अमनप्रीत कौर को उपायुक्त विवेक भाटिया ने बाकायदा लोअर जुलाकड़ी स्थित उनके घर पहुंच कर सम्मानित किया। उपायुक्त ने अमनप्रीत कौर को स्मृति चिन्ह और उपहार भेंट करके उनकी सफलता पर बधाई दी और उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं भी दीं। उपायुक्त ने इस मौके पर कहा कि अमनप्रीत कौर ने टॉप टेन में 96 प्रतिशत अंक लेकर अपना स्थान अर्जित करके ना केवल अपने परिवार और चंबा जिला का मान बढ़ाया है बल्कि जिले की अन्य छात्राओं के लिए भी प्रेरणा स्रोत बनी हैं। उपायुक्त ने कहा कि वर्तमान परिप्रेक्ष्य में लड़कियां सभी क्षेत्रों में अपना उत्कृष्ट प्रदर्शन दे रही हैं। राज्य सरकार ने भी छात्राओं की शिक्षा को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल किया है। गौरतलब है कि अमनप्रीत कौर राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय चंबा की छात्रा रही हैं। वह भविष्य में चार्टर्ड अकाउंटेंट बनना चाहती हैं। अमनप्रीत कौर के पिता राजेंद्र सिंह का अपना व्यवसाय है और माता नवनीत कौर गृहिणी हैं। इस मौके पर उच्च शिक्षा उप निदेशक देवेंद्र पाल भी मौजूद रहे।
भाजपा के वरिष्ठ नेता, मुख्य सचेतक नरेंद्र बरागटा ने जुब्बल नावर कोटखाई भाजपा मंडल की वर्चुअल रैली को शिमला से वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित करते हुए कहा कि वह अपने विधानसभा क्षेत्र के लोगों से डिजिटल माध्यम से जुड़कर अत्यंत प्रसन्न हैं। कोविड-19 के कारण उनके लिए व्यक्तिगत रूप से लोगों से मिलना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि जुब्बल नावर कोटखाई क्षेत्र के लोगों द्वारा एचपी एसडीएमए कोविड-19 स्टेट डिजास्टर रिस्पाॅंस फंड व पी एम केयर फंड में 61 लाख रुपये का अंशदान दिया गया है तथा अभी अंतिम किस्त के रूप में और अंशदान दिया जाएगा। उन्होंने जुब्बल नावर कोटखाई क्षेत्र के लोगों का कोरोना महामारी के दौरान सराहनीय कार्य करने के लिए भी धन्यवाद किया। उन्होंने मातृशक्ति द्वारा रिकॉर्ड फेस कवर बनाने तथा उसे जरूरतमंद को वितरित करने के लिए विशेषकर महिला मोर्चा का धन्यवाद किया है। बरागटा ने कहा कि विकासात्मक कार्यों की प्रगति की समीक्षा के लिए सभी पंचायती राज और स्थानीय निकायों के निर्वाचित प्रतिनिधियों तथा विधानसभा क्षेत्र के सभी विभागों के अधिकारियों से लगातार विडियो कॉन्फ्रेंस कर रहे है ताकि कोरोना विकास में बाधा न बन सके। बरागटा ने कहा कि देश के लोगों का प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की नीतियों और कार्यक्रमों पर पूरा विश्वास है तथा वे उनके साथ मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा समय रहते लिए गए निर्णय के कारण ही यह संभव हुआ है कि आज भारत में कोरोना के कारण मृत्यु दर विकसित देशों की तुलना में कम है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 के कारण 15 सबसे अधिक विकसित देशों में लगभग 4.30 लाख लोगों की जान गई है, जहां की कुल जनसंख्या 142 करोड़ है, जबकि भारत की जनसंख्या 135 करोड़ है तथा यहां अभी तक लगभग 9500 मृत्यु कोरोना के कारण दर्ज की गई है। बरागटा ने क्षेत्र के लोगों को आश्वस्त किया कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का हमें भरपूर सहयोग जुब्बल नावर कोटखाई को मिल रहा है इसलिए धन अभाव को विकास के आड़े नहीं आने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि विकासात्मक परियोजनाओं को मुख्यमंत्री के सहयोग से तय समय अवधि में समाप्त करने के लिए समुचित धन जारी किया जाएगा। उन्होंने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को देश के सबसे लोकप्रिय मुख्यमंत्री आंके जाने पर भी बधाई दी। मुख्यअतिथि के रूप में इस वर्चुअल रैली को संबोधित करते हुए प्रदेश सरकार में सामाजिक न्याय एवं सहकारिता मंत्री डाॅ.राजीव सैजल जी ने कहा कि देश प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के हाथों में सुरक्षित हैं तथा उन्होंने भारत को विश्व महाशक्ति बनाने के लिए कई ऐतिहासिक निर्णय लिए हैं। इस वर्चुअल रैली में भाजपा मंडल अध्यक्ष गोपाल जबैइक ने भी अपने विचार सांझा किए।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने मण्डी जिला के सराज विधानसभा क्षेत्र के थुनाग और बगश्याड़ क्षेत्रों का दौरा किया तथा इन क्षेत्रों में चल रही विभिन्न परियोजनाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने 16 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे मिनी सचिवालय, 6.82 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन लोक निर्माण विभाग के अतिथि गृह तथा 3.50 करोड़ रुपये की लागत से थुनाग में बन रहे ट्रैकर्ज हट का भी निरीक्षण किया। उन्होंने 26.50 करोड़ रुपये की लागत से बगश्याड़ में निर्मित किए जा रहे 50 बिस्तरों की क्षमता वाले नागरिक अस्पताल का भी निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को इन योजनाओं के समयबद्ध निर्माण व गुणवत्तापूर्ण कार्य करने को कहा। उपायुक्त ऋगवेद ठाकुर, पुलिस अधीक्षक गुरूदेव शर्मा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. देवेन्द्र शर्मा, लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियन्ता दारा सिंह तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
मंगलवार को भाजपा अर्की मण्डल द्वारा मण्डल अध्यक्ष देवेंद्र उपाध्याय की अध्यक्षता में डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की पुण्य तिथि पर वेबक्स एप के माध्यम से कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्यवक्ता सुरेश कश्यप शिमला संसदीय क्षेत्र से सांसद थे और कार्यक्रम में प्रदेश उपाध्यक्ष रत्न सिंह पाल विशेष रूप से उपस्थित थे। इनके साथ कार्यक्रम में जयनन्द शर्मा, ओपी गांधी प्रदेश कार्य समिति सदस्य, महामंत्री यशपाल कश्यप, राकेश ठाकुर, उपाध्यक्ष जय गोपाल, हरी कृष्ण, सन्तराम ठाकुर, जिला उपाध्यक्ष कला ठाकुर, रमेश ठाकुर जिला किसान मोर्चा अध्यक्ष, महेंद्र ठाकुर युवा मोर्चा अध्यक्ष, रीना भारद्वाज महिला मोर्चा अध्यक्ष, सन्तराम भारद्वाज अनुसूचित जाति अध्यक्ष, जगदीश शुक्ला किसान मोर्चा अध्यक्ष व पार्टी के सभी पदाधिकारियों ने कार्यक्रम में भाग लिया।
जीवन में आगे बढ़ने का अवसर सबको मिलता है परन्तु कुछ ही ऐसे लोग होते हैं जो अवसरों का उपयोग कर सफलता प्राप्त करते हैं। कांगड़ा जिला के तहसील शाहपुर का एक गांव है दुरगेला, यहीं रहते हैं प्रगतिशील, मेहनतकश और क्षेत्र के लिए अनूठी मिसाल बने बागवान कर्म चन्द। 2008 में सीआरपीएफ से सेवा निवृत हुए कर्म चन्द ने घर पर आने के बाद कुछ समय तक अपनी जमीन पर पारम्परिक खेती-बाड़ी जैसे कि मक्की, गेहूं इत्यादि की खेती की। लेकिन मन में चाह थी कि कुछ हटकर किया जाए। लगभग तीन वर्ष पूर्व उन्होंने उद्यान विभाग के अधिकारियों से सम्पर्क किया तथा सेब का बगीचा लगाने सम्बन्धी जानकारी ली। फिर कर्म चन्द ने लगभग आठ कनाल भूमि पर सेब के 500 पौधे लगाए। कर्मचंद व उनके परिवार की मेहनत और बागवानी विभाग के विशेषज्ञों द्वारा समय समय पर दी गई जानकारी रंग लाई। आज की तारीख में कर्मचंद के बगीचे में सेब पूरी तरह से तैयार हैं और सबसे खास बात यह है कि उन्होंने अपने सेब के बगीचे में किसी तरह का रसायन प्रयोग नहीं किया है। यह सेब पूरी तरह से ऑर्गेनिक हैं। कर्म चन्द का कहना है कि वह अब तक लगभग दो से तीन किवंटल सेब बेच चुके हैं। लोग उनके घर द्वार आकर ही सेब खरीद कर ले जाते हैं। वे बताते हैं कि आसपास के बाजार में ही इनको बेचा जा रहा है। दुकानदार उनके पास आकर उनके घर से ही सेब खरीद कर ले जाते हैं। सरकार के उद्यान विभाग द्वारा उन्हें पॉवर टिल्लर, पानी के भंडारण टैंक, सेब के पौधों, तथा एन्टी हेलनेट पर उपदान दिया गया है। विभिन्न उपदानों के लिए करमचंद ने सरकार का धन्यवाद किया व आभार जताया है। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वह जागरूक हों और विभाग द्वारा दी जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाएं। कर्म चन्द ने विभाग से भी निवेदन किया है कि किसानों के लिए ज्यादा से ज्यादा जागरूकता तथा प्रशिक्षण शिविर लगाये जाएं, ताकि सरकार द्वारा चलाई जा रही विभागीय योजनाएं पात्र लोगों तक पहुंच सके।
राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने राज्य में खेल अधोसंरचना सुदृढ़ करने तथा इंडोर स्टेडियमों जैसी सुविधाएं उपलब्ध करवाकर राज्य में खेल गतिविधियों को प्रोत्साहन देने पर बल दिया है। राज्यपाल अंतरराष्ट्रीय ओलम्पिक दिवस के अवसर पर हिमाचल प्रदेश ओलम्पिक संघ के पदाधिकारियों के साथ वार्तालाप कर रहे थे। ग्रामीण विकास और पंचायती राज मंत्री वीरेंद्र कंवर भी इस अवसर पर उपस्थित थे। राज्यपाल ने कहा कि राज्य में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, परंतु ऐसी प्रतिभाओं को सुविधाएं प्रदान की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य के युवा काफी मजबूत हैं तथा इनमें प्रतिभा की कोई कमी नहीं हैं, परंतु उन्हें इंडोर स्टेडियम जैसी सुविधाएं उपलब्ध करवाकर उपयुक्त मंच तथा अवसर प्रदान किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि खेल अधोसंरचना का विकास सार्वजनिक निजी सहभागिता व प्रसिद्ध खिलाड़ियों का सहयोग लेकर किया जाना चाहिए। उन्होंने कम जगह में खेले जाने वाले इंडोर खेलों जैसे कबड्डी और वाॅलीबाल को राज्य में प्रोत्साहित करने का सुझाव दिया। दत्तात्रेय ने कहा कि खिलाड़ियों को रोजगार के अधिक अवसर प्रदान किए जाने चाहिए। उन्हांेने इस बात पर संतोष व्यक्त किया कि राज्य कि महिला खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर रही हैं। उन्होंने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों के चयनित खिलाड़ियों के लिए खेल शिविरों का आयोजन किया जाना चाहिए। उन्होंने आयोजकों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयासों से राज्य में खेलों के लिए नवीन वातावरण तैयार करने में सहायता मिलेगी। ग्रामीण विकास और पंचायती राज मंत्री व हिमाचल प्रदेश ओलम्पिक संघ के उपाध्यक्ष वीरेन्द्र कंवर ने राज्यपाल को प्रदेश सरकार द्वारा खेल गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के लिए किए गए, विभिन्न प्रयासों से अवगत करवाया। उन्होंने कहा कि अन्तरराष्ट्रीय ओलम्पिक दिवस के अवसर पर लोगों को स्वस्थ रहने तथा खेलों में सक्रिय रुप से भाग लेने व ओलम्पिक अभियान को बढ़ावा देने के लिए प्रतिवर्ष विभिन्न प्रकार की खेल गतिविधियां आयोजित की जाती हैं। उन्होंने कहा कि संघ कोरोना वायरस के दृष्टिगत इस वर्ष का समारोह ऑनलाइन आयोजित कर रहा है। हिमाचल ओलम्पिक संघ के महासचिव राजेश भण्डारी ने संघ द्वारा की जा रही विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी। नगर निगम शिमला की पार्षद किमी सूद, बाॅक्सिंग संघ के महासचिव एसके शांडिल, हिमाचल ओलम्पिक संघ के महासचिव रमेश चैहान, मीडिया सचिव मोहित सूद भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
हिमाचल प्रदेश कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर व जिला कांगड़ा कांग्रेस अध्यक्ष अजय महाजन के निर्देश अनुसार ब्लॉक कांग्रेस नूरपुर अध्यक्ष सुशिल मिंटू व सेवा दल नूरपुर अध्यक्ष शाम सिंह, नूरपुर ब्लॉक युवा अध्यक्ष सतवीर सिंह, शहरी युवा अध्यक्ष चिराग गुप्ता, ब्लॉक नूरपुर की समस्त टीम औऱ युवा साथियों के द्वारा स्वास्थ्य विभाग में सेनिटाइजर और पीपीई किट खरीद में हुए भ्रष्टाचार मामले के प्रति महामहिम हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय को एसडीम नूरपुर के माध्यम से ज्ञापन सौंपा व निष्पक्ष जांच की मांग की। इस मौके पर सुशील मिंटू ने कहा कि भाजपा सरकार आकंठ भ्रष्टाचार में डूबी है और मुख्यमंत्री को तत्काल इस्तीफा दे देना चाहिए। इससे पूर्व कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एस डी एम परिसर में जमकर नारेबाजी की।
कोरोना काल में देश विकट परिस्थतियों से गुजर रहा है, देश का समस्त तंत्र इस महामारी से निजात दिलाने और जनमानस के जीवन की रक्षा के लिए दिन रात एक कर रहा है। ऐसे में सारी जिम्मेवारी सरकार पर डालना भी उचित नहीं है, सरकार व शासन का सहयोग करने का दायित्व जनता का भी है। यह बात बिलासपुर हिमाचल राजकीय कॉलेज सेल्फ फाइनेंसिग एसोसिएशन के प्रदेषाध्यक्ष पुनीत सिंह ने मुख्यमंत्री राहत कोष में एक लाख एक हजार और एक सौ ग्यारह रूपए का अंशदान डालने के बाद कही। शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज की अगुवाई में यह प्रतिनिधिमंडल शिमला में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से मिला और उक्त राशि का चैक उन्हें सौंपा। पुनीत सिंह ने कहा कि देश है तो हम है, देश से हमारा वजूद जुड़ा है। जब हमें देश दे रहा है तो इन हालातों में हमारा भी दायित्व बनता है कि देश के लिए खड़े हों। पुनीत सिंह ने कहा कि कोरोना महामारी से बचने का सबसे बड़ा और सरल उपाय स्वयं को सुरक्षित रखना है। ऐसे में सरकार की गाईड लांइस की अनदेखी करना भारी पड़ सकता है। सभी जनता को चाहिए कि वे सरकार के नियमों का अनुसरण करें और इस बीमारी को भगाने के सामूहिक प्रयास करें। उन्होंने कहा कि यह रोग कब किसी को कहीं भी अपनी चपेट में ले लें इसका कोई समय व स्थिति नहीं है। लेकिन रोजमर्रा के जीवन स्वयं की रक्षा करना भी एक चुनौती बन गई है। वहीं एसोसिएशन के सचिव संजय धीमान ने कहा कि इस पुनीत कार्य में सभी शैक्षणिक और गैर शैक्षणिक वर्ग ने भी सहयोग दिया। उन्होंने कहा कि हिमाचल राजकीय कालेज सेल्फ फाइनेंसिग एसोसिएशन की ओर से इससे पहले भी अपने वर्ग और समाज के लिए कई कार्य किए जाते रहे हैं। इस प्रतिनिधिमंडल मे कोटशेरा काॅलेज से दीक्षित नामटा,प्रदेश उपाध्यक्ष तेग सिंह सहित कई गणमान्य लोग मौजूद थे।
युवा कांग्रेस अर्की व इंटक ब्लॉक अर्की की संयुक्त बैठक का आयोजन दाड़लाघाट में किया गया। बैठक की अध्यक्षता युवा कांग्रेस अर्की के अध्यक्ष किशोरी शर्मा ने की। इस बैठक में इंटक ब्लॉक अर्की तथा युवा कांग्रेस अर्की के पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में अंबुजा सीमेंट कंपनी में कार्यरत श्रमिकों पर अंबुजा सीमेंट मैनेजमेंट द्वारा श्रमिकों के साथ किए जा रहे शोषण का मुद्दा जोर-शोर से उठाया गया। अंबुजा में पिछले 10-15 वर्षों से कार्य कर रहे श्रमिकों को कंपनी द्वारा मनमाने ढंग से कभी तो कंपनी अपने माध्यम से कार्य करवा रही है तथा कभी उन श्रमिकों से ठेकेदारों के तहत कार्य करवाया जा रहा है तथा कभी कंपनी की नौकरी से बर्खास्त करने का दबाव बनाया जा रहा है। न तो अंबुजा कंपनी उनकी नौकरी को नियमित कर रही है, न ही उनकी तनख्वाह में कोई बढ़ोतरी कर रही है, जिससे ये गरीब श्रमिक ना तो घर के रहे न घाट के जिससे इनको घर चलाना मुश्किल हो रहा है। इस बैठक में युवा कांग्रेस उपाध्यक्ष हरीश भारद्वाज तथा इंटक ब्लॉक उपाध्यक्ष राजेश शर्मा ने संयुक्त बयान में कहा कि अगर कंपनी द्वारा 15 दिन में अंबुजा कंपनी व श्रमिकों की इन समस्याओं का उचित समाधान नहीं करती है तो स्थानीय लोगों को साथ लेकर व श्रमिकों के परिवारों के साथ मजबूरन अंबुजा मेन गेट पर धरना प्रदर्शन करेगी। अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन की अंबुजा कंपनी प्रशासन पूर्ण रूप से जिम्मेदार होगी। इस अवसर पर बैठक में युवा कांग्रेस अर्की के अध्यक्ष किशोरी शर्मा,उपाध्यक्ष हरीश भारद्वाज, महासचिव नरेंद्र शर्मा, भूपेंद्र शर्मा, नेक राम ठाकुर तथा इंटक ब्लॉक अर्की के उपाध्यक्ष राजेश शर्मा (राजू) इंटक महासचिव मनोहर लाल, अमर सिंह, प्रदीप ठाकुर, गोपाल, खेमराज मौजूद रहे।
प्रदेश सरकार ने हिमकेयर योजना में पंजीकरण की तिथि तथा नए कार्ड बनवाने एवं नवीनीकरण करवाने की अंतिम तिथि को 30 जून, 2020 निर्धारित की गई है। यह जानकारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी सोलन डाॅ. राजन उप्पल ने दी। डाॅ. राजन उप्पल ने कहा कि कोविड-19 के खतरे के कारण सोलन जिला के अनेक पात्र व्यक्ति इस योजना के तहत अपने कार्ड का नवीनीकरण नहीं करवा सके हैं। उन्होंने कहा कि लाभार्थी इस कार्य के लिए वैबसाईट ूूूण्ीचेइलेण्पद पर स्वयं पंजीकरण अथवा नवीनीकरण करवा सकते हैं। यह कार्य समीप के लोकमित्र केंद्र में भी किया जा सकता है। लोकमित्र केंद्र पर उन्हें निर्धारित प्रीमियम के अतिरिक्त 50 रुपये शुल्क के रूप में जमा करवाने होंगे। डाॅ. उप्पल ने कहा जिन परिवारों के हिम केयर योजना के तहत कार्ड की अवधि 15 जून, 2020 को समाप्त हो गई है वे 30 जून तक अपने कार्ड का नवीनीकरण करवा सकते हैं। उन्होंने कहा कि इस अवधि तक नए परिवार भी अपना कार्ड बनवा सकते हैं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने कहा कि योजना के तहत जिन व्यक्तियों के कार्ड नवीनीकरण की तिथि अभी नहीं आई है वे निर्धारित तिथि या 01 वर्ष पूर्ण होने पर अपने कार्ड का नवीनीकरण करवा सकते हैं। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि हिमकेयर योजना का लाभ उठाने के लिए अपेन कार्ड का पंजीकरण, नवीनीकरण, 30 जून, 2020 तक करवाएं।
ग्राम पंचायत घनागुघाट के गांव ताल के महिला मंडल ताल ने गांव में पेयजल स्रोत साफ किए तथा नशीली व जहरीली घास एवम झाड़ियों को काटा। महिला मंडल प्रधान चिंता देवी ने बताया कि महिला मंडल के सदस्य 10 दिन के अंतराल में गांव के प्राकृतिक पेयजल स्रोत बावड़ीयो तथा पशुओं के पानी पीने की खुरलियो को साफ करते रहते है, साथ ही स्वास्थ्य विभाग द्वारा दी गई क्लोरीन की गोलियो को इनमे डालते है, ताकि मानव या पशुओं को कोई जलजनित बीमारी ना हो सके। इस दौरान महिला मंडल की सदस्यों ने बावड़ियों, खुरलियो की सफाई के साथ झाड़ियों का कटान किया गया। इस मौके पर मण्डल सदस्य सन्तोष कुमारी, कांता, शीला, पूजा, रमा शर्मा, चम्पा देवी, तुलसी, यशोदा, सरोज, हेमलता आदि मौजूद थे।
कोविड-19 के खतरे के दृष्टिगत देवभूमि हिमाचल में देवी-देवताओं में जन-जन की आस्था और प्रदेश सरकार द्वारा स्थापित नियमों के मध्य संतुलन बनाकर सोलन की अधिष्ठात्री देवी मां शूलिनी की शोभा यात्रा को निर्विघ्न संपन्न करवाकर जिला प्रशासन सोलन ने सेवा भावना, कर्तव्य परायणता एवं आमजन के विश्वास को बनाए रखने का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया है। देवभूमि हिमाचल को अपनी देवीय परम्पराओं और देवी-देवताओं में अक्षुण्ण आस्था के लिए जाना जाता है। प्रदेश के हर क्षेत्र में लगभग प्रतिदिन देव आस्था की पुष्टि के लिए कोई न कोई आयोजन किया जाता है। इन आयोजनों में न केवल क्षेत्र विशेष अपितु आसपास के बड़े सम्भाग की भागीदारी होती है। यह आयोजन जहां आमजन के मेलजोल का कारण बनते हैं वहीं देवभूमि में संस्कृति के प्रचार-प्रसार और आपसी सौहार्द को सुदृढ़ करने का माध्यम भी बनते हैं। जन आस्था का ऐसा ही एक प्रतीक है सोलन का राज्य स्तरीय शूलिनी मेला। शूलिनी मेले के आयोजन की परम्परा प्राचीन काल से चली आ रही है। पहले जहां केवल माता की शोभा यात्रा निकाली जाती थी वहीं अब वर्तमान में यह आयोजन पारम्परिक खेलों व संस्कृति के प्रचार-प्रसार का माध्यम बन गया है। परम्परा के अनुसार इस मेले का आयोजन आषाढ़ मास के द्वितीय रविवार को किया जाता है। परम्परा के अनुरूप मां शूलिनी को शोभा यात्रा के रूप में सोलन के गंज बाजार स्थित प्राचीन दुर्गा माता मंदिर में ले जाया जाता है, जहां वे 03 दिन तक निवास करती हैं। ऐसा माना जाता है कि माता यहां अपनी बहन से मिलने आती हैं। वर्षों से यह आयोजन निरंतर होता रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार आज से पहले मात्र एक बार वर्ष 1919-20 में प्लेग के कारण नियत समय पर माता की शोभा यात्रा नहीं निकाली गई थी। इस वर्ष कोरोना संक्रमण के कारण परिस्थितियां वैसी ही उत्पन्न हुई। सोलन निवासियों के आग्रह और प्रदेश सरकार के नियमों के अनुरूप लगभग यह निर्णय ले लिया गया था कि इस वर्ष मां शूलिनी की शोभा यात्रा आयोजित नहीं की जाएगी। किन्तु देव आस्था एवं जनता के विश्वास के दृष्टिगत जिला प्रशासन ने सूक्ष्म रूप में मां शूलिनी की शोभा यात्रा के आयोजन का निर्णय लिया। जिला दण्डाधिकारी सोलन केसी चमन ने यह सुनिश्चित बनाया कि शोभा यात्रा न केवल सूक्ष्म हो अपितु इस आयोजन में कोविड-19 के दृष्टिगत स्थापित विभिन्न नियमों का पूर्ण पालन हो। इसके लिए उन्होंने मां शूलिनी के कल्याणा वर्ग से बातचीत की और निर्धारित किया कि मां की शोभा यात्रा में इस वर्ष जन सैलाब नहीं होगा। मां शूलिनी मंदिर के पूजारी और कल्याणा वर्ग के चुनिंदा लोगों के साथ-साथ केवल प्रशासन तथा पुलिस के सीमित अधिकारियों को शोभा यात्रा में सम्मिलत होने की अनुमति दी गई। कोरोना महामारी के मध्य आयोजन को सफल बनाने के लिए जिला दण्डाधिकारी ने मां की शोभा यात्रा के जाने एवं वापिस आने के दिवस पर मात्र 04 घंटे के लिए शहर के उन क्षेत्रों में लाॅकडाउन के आदेश दिए जहां से सामान्य रूप से माता की शोभा यात्रा निकलती है। सोलन की जनता ने इन आदेशों का पूर्ण पालन किया। इससे न केवल शोभा यात्रा आयोजित हो पाई अपितु लोगों की अटूट आस्था भी बरकरार रही। परम्परा के अनुसार इस वर्ष मां के मेले का आयोजन 19 से 21 जून तक किया जाना था। मेला स्थगित होने के उपरांत मां की सूक्ष्म शोभा यात्रा 19 जून को अपनी बहन से मिलने के लिए तथा 21 जून को वापसी के लिए आयोजित हुई। परम्परा के अनुसार 20 जून रात्रि को अपने गुर के माध्यम मां शूलिनी ने सूक्ष्म आयोजन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए मेला कबूल किया। इससे समूचे क्षेत्र में प्रसन्नता का माहौल है। जिला दण्डाधिकारी सोलन केसी चमन ने इस सम्बन्ध में अधिक जानकारी देते हुए कहा कि प्रशासन एवं पुलिस के कर्तव्य पालन तथा समूचे क्षेत्रवासियों के पूर्ण सहयोग के कारण ही शोभा यात्रा निर्विघ्न रूप से संपन्न हुई। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार सर्वोच्च न्यायालय ने नियम व शर्तों के साथ ओड़िसा की विश्व प्रसिद्ध जगन्नाथ पुरी यात्रा के आयोजन को स्वीकृति प्रदान की है उससे जिला प्रशासन को यह सम्बल मिला है कि यदि नियमों के दायरे में रहकर कार्य किया जाए तो सर्वोच्च स्तर पर भी किसी न किसी रूप में उसकी स्वीकृति मिलती ही है। ऐसी स्वीकृति प्रशासन का मनोबल बढ़ाकर जन आस्था को पुष्ट करने में सहायक होती है।
जिला कुल्लू के पतली कुहल में करणी सेना महिला शक्ति हिमाचल के कार्यकर्ताओं ने गलवान घाटी में चीन के सैनिकों द्वारा किए गए हमले में शहीद हुए भारतीय जवानो को मोमबत्ती व दीपक जलाकर तो श्रद्धाजंलि अर्पित की ही लेकिन उनकी याद में लता मंगेशकर द्वारा गाया गीत ए मेरे वतन के लोगो भी दोहराया। साथ ही भारतीय सेना के पराक्रम को याद किया गया। सोमवार को करणी सेना जिला कुल्लू की अध्यक्ष मीरा शर्मा के नेतृत्व में दीप जलाकर भारत-चीन सीमा पर अपना सर्वस्व न्यौछावर करने वाले अमर पुत्रों को विनम्र श्रद्धांजलि दी गई। साथ ही कार्यकर्ताओं ने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग का पुतला फूंका। कार्यकर्ताओं ने चीन की हालिया कार्रवाई की कटु निंदा और भारतीय जवानों की जवाबी कार्रवाई की प्रशंसा की। मीरा शर्मा ने कहा कि सैनिको के जज्बे से ही देशवासी सुरक्षित हैं। उन्होने लोगो से सेना का मनोबल बढ़ाने का आह्वान किया। इस अवसर पर उपाध्यक्ष बिमला ठाकुर, महामंत्री सुमन करपा, सुनीता नैना, मीनू उपाध्याय, आशा राणा, लता शर्मा पूनम कायस्थ, बबिता शर्मा, समीना शर्मा रजनी सहित दर्जनों महिला कार्यकर्ता मौजूद रहे।
राज्य सरकार ने प्रदेश की सभी आशा कार्यकर्ताओं को जून-जुलाई माह के लिए दो-दो हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान करने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने प्रदेश की आशा कार्यकर्ताओं को वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सम्बोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी ने पूरे विश्व को हैरान किया है तथा इसके लिए चिकित्सा सेवाएं तैयार नहीं थी। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश इस महामारी से प्रभावशाली तरीके से लड़ रहा है और इस संक्रमण को रोकने में प्रदेश की आशा कार्यकर्ता महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं ने इन्फ्लुुएंजा लक्षण वाले लोगों का पता लगाने के साथ-साथ लोगों को क्वारंटीन नियमों का सख्ती से पालन करने के लिए भी प्रेरित किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा शुरू किए गए एक्टिव केस फाइंडिंग अभियान की प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भी सराहना की है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने अन्य मुख्यमंत्रियों को भी हिमाचल प्रदेश का अनुसरण करने और अपने संबंधित प्रदेशों में इन्फ्लुएंजा जैसी बीमारी के मरीजों की पहचान करने के लिए यह अभियान शुरू करने का सुझाव दिया है। उन्होंने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं ने लोगों को सामाजिक दूरी के महत्त्व के बारे में और संक्रमण के फैलाव को रोकने के लिए फेस मास्क का प्रयोग करने के बारे में जागरूक करने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई है। जय राम ठाकुर ने कहा कि यद्यपि हमारे देश में कोविड-19 के मामले बढ़ रहंे हैं, पर फिर भी स्थिति नियंत्रण में हैं। उन्होंने कहा कि दुनिया के 15 सबसे विकसित देशों में 4.65 लाख लोगों की जान कोरोना के कारण गई है, जबकि इन देशों की जनसंख्या 142 करोड़ है, वहीं भारत में 135 करोड़ जनसंख्या होने के बावजूद भी अभी तक कोरोना के कारण 13 हजार 699 मृत्यु दर्ज की गई है। उन्होंने कहा कि इसका श्रेय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा समय रहते लिए गए लाॅकडाउन के निर्णय को जाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं ने लोगों को जागरूक करने में तथा होम क्वारंटीन के नियमों का सख्ती से पालन करवाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई है, ताकि वह और उनके परिवारजन सुरक्षित रह सके। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार सामुदायिक स्तर पर संक्रमण का फैलाव रोकने में सफल रही है, जिसका श्रेय आशा कार्यकर्ताओं को जाता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार आशा कार्यकर्ताओं की सभी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करेगी। इस अवसर पर उन्होंने आशा कार्यकर्ताओं के साथ बातचीत भी की। अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य आर.डी. धीमान ने कहा कि आशा कार्यकर्ताओं ने प्रदेश में कोरोना संक्रमण की रोकथाम में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा शुरू किए गए एक्टिव केस फाइंडिंग अभियान की प्रधानमंत्री ने भी सराहना की है।
भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं बलिदान दिवस के संयोजक संजीव कटवाल ने बताया कि राष्ट्रवादी विचारक, जनसंघ के संस्थापक डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान दिवस हिमाचल प्रदेश के सभी 68 विधानसभा क्षेत्रों में मनाया गया इसी कड़ी में हिमाचल प्रदेश के प्रांत कार्यालय दीप कमल चक्कर में भी पुष्पांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया उन्होंने बताया कि सभी कार्यकर्ताओं ने अपने अपने घरों में डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी के चित्र पर माला अर्पण एवं पुष्पांजलि की। संजीव कटवाल ने कहा कि डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी का जन्म 6 जुलाई 1901 को कोलकाता में हुआ उनके पिता आशुतोष मुखर्जी विख्यात शिक्षाविद, बहुमुखी प्रतिभा के धनी थे। उन्होंने बताया की डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने 1917 में दसवीं की परीक्षा उतीर्ण की और 1923 में लॉ की उपाधि प्राप्त की और विदेश चले गए 1926 में इंग्लैंड से बैरिस्टर बनकर स्वदेश लौटे 8 अगस्त 1934 को 33 वर्ष की अल्पायु में कोलकाता विश्वविद्यालय के सबसे कम आयु के कुलपति बने उन्होंने बताया कि श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने 1939 में राजनीति में प्रवेश किया और उन्होंने कांग्रेस की तुष्टीकरण राजनीति का खुलकर विरोध किया श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने गैर कांग्रेसी हिंदुओं की मदद से कृषक प्रजा परिषद पार्टी से मिलकर प्रगतिशील गठबंधन का निर्माण किया और इस सरकार में मंत्री भी बने। उन्होंने कहा कि श्यामा प्रसाद मुखर्जी सावरकर के राष्ट्रवाद के प्रति आकर्षित हुए और हिंदू महासभा में सम्मिलित हुए। मुस्लिम लीग की राजनीति से बंगाल का वातावरण दूषित हो रहा था वहां संप्रदायिक विभाजन की नौबत आ रही थी वह धर्म के आधार पर विभाजन के कट्टर विरोधी थे। उन्होंने बताया कि महात्मा गांधी और सरदार पटेल के आग्रह पर अगस्त 1947 को स्वतंत्र भारत में वे गैर कांग्रेसी मंत्री के रूप में शामिल हुए और उद्योग मंत्री बने और उन्हें अपने मंत्रिमंडल कार्यकाल में चितरंजन मे रेल इंजन का कारखाना, विशाखापट्टनम में जहाज बनाने का कारखाना एवं बिहार में खाद का कारखाना स्थापित करवाया उनके सहयोग से ही हैदराबाद निजाम को भारत में विलीन होना पड़ा। कटवाल ने बताया कि राष्ट्रहित की प्रतिबद्धता और उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता मानने के कारण उन्हें मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया और अपनी पार्टी बनाई अक्टूबर 1951 में भारतीय जनसंघ का उदय हुआ और उनके पहले संस्थापक अध्यक्ष श्यामा प्रसाद मुखर्जी बने डॉक्टर मुखर्जी जम्मू कश्मीर को भारत का अभिन्न अंग मानते थे जम्मू कश्मीर के दो विधान दो निशान और दो प्रधान के सख्त विरोधी थे वह जम्मू कश्मीर की धारा 370 का कड़ा विरोध करते थे और उन्होंने जम्मू की प्रजा परिषद पार्टी से मिलकर आंदोलन भी खड़ा किया। 1952 में जम्मू में उन्होंने विशाल रैली में संकल्प लिया कि तत्कालीन नेहरू सरकार को चुनौती दी और कहा था कि या तो मैं आपको भारतीय संविधान प्राप्त करवा लूंगा या आपना जीवन बलिदान कर दूंगा। 8 मई 1953 को तत्कालीन विदेश मंत्री माननीय अटल बिहारी वाजपेई वैद्य गुरु दत्त डॉक्टर बर्मन आदि को लेकर जम्मू के लिए कूच किया लेकिन जम्मू-कश्मीर के प्रवेश द्वारा माधोपुर बैरियर पर उन्हें गिरफ्तार कर दिया और 40 दिन तक जेल में बंद रखा 23 जून 1953 को रहस्यमई परिस्थितियों में श्यामा प्रसाद मुखर्जी की मृत्यु हो गई। सभी कार्यकर्ताओं ने डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जीवनी से प्रेरित होकर भारतीय जनता पार्टी में कार्य किया और बाल्यकाल से सबने उनके जीवन से प्रेरणा लेते हुए कहा जहां हुए बलिदान मुखर्जी वो कश्मीर हमारा है वह कश्मीर हमारा है वह सारे का सारा है। कार्यक्रम में प्रदेश महामंत्री त्रिलोक जम्वाल, प्रदेश संगठन मंत्री पवन राणा ,प्रदेश सचिव कुसुम सदरेट, विशाल चौहान, कोषाध्यक्ष संजय सूद, सह मीडिया प्रभारी करण नंदा, कार्यालय सचिव प्यार सिंह कंवर, प्रदेश सरकार में चेयरमैन गणेश दत्त, अमर ठाकुर, प्रदेश अध्यक्ष एस टी मोर्चा जवाहर ठाकुर उपस्थित रहे।
थाना कुनिहार द्वारा एस एच ओ जीतसिंह की अगुवाई में क्षेत्र में जगह जगह उगे भांग के पौधों को नष्ट करने का अभियान छेड़ा गया। मंगलवार को नए बस अड्डे के आसपास स्थानीय दुकानदारों के सहयोग से पुलिस ने भांग के उगे सैंकड़ो पोधों को नष्ट किया। एस एच ओ जीतसिंह ने स्थानीय दुकानदारों व लोगों से अपील करते हुए कहा कि अपने घरों व दुकानों के आसपास पैदा हुए भांग के पौधों को समय समय पर नष्ट करते रहें। यह हम सबका कर्तव्य है ताकि बच्चे इसका दुरुपयोग न करे। लोगों के सहयोग से ही इस अभियान को सफल किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि अगर कोई व्यक्ति इसकी खेती करता है, जो कि एक जुर्म है, इसकी सूचना पुलिस को जरूर दें ऐसे व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्यवाही की जाएगी। जीत सिंह ने कहा कि स्थानीय पंचायतों के पदाधिकारियों से भी अपनी अपनी पंचायतों में उगी भांग को नष्ट करने की अपील की जाएगी। इस मौके पर थाना कुनिहार से एएसआई पूर्ण चन्द, राकेश कौंडल, किशन सिंह कंवर, जयदेव व दुकानदार विनोद भारद्वाज, नरेश जोशी, चन्द्रशेखर, कमल किशोर, तृप्ता व रंजू आदि ने भांग उखाडने में सहयोग किया।
मंगलवार 23 जून, राजा वीरभद्र सिंह का जन्मदिन है। इस उपलक्ष्य पर शिर्डी साईं बाबा भक्ति संगठन ने उन्हें हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं व साईनाथ से उहे दीर्घायु प्रदान करने व उन पर अपनी कृपा बनाए रखने की प्रार्थना की है। परवाणू के जाने मने समाज सेवी सतीश बेरी ने भी उन्हें उनके जन्मदिन पर बधाई दी है। उन्होंने कहा की राजा वीरभद्र सिंह न केवल एक अच्छे मुख्यमंत्री के रूप में अपनी पहचान बनाए है बल्कि वे एक अच्छे इंसान भी है। हिमाचल की राजनीति और प्रदेश के विकास में उनका अहम योगदान है।
विकास, आवास एवं नगर नियोजन मंत्री सरवीण चौधरी ने कहा कि लोगों को कुशल प्रशासन देने और जन कल्याणकारी योजनाओं को पात्र लोगों तक पहुँचाना ही सरकार का लक्ष्य है, ताकि गरीब लोग उनका लाभ उठा सकें। सरवीण चौधरी सोमवार को शाहपुर विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत अनसुई (शिव मंदिर उपरली अनसुइ) व ग्राम पंचायत अम्बाडी में महिला मंडलों को चेक वितरण करने के उपरांत उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए बोल रहीं थीं। इस दौरान उन्होंने अंसुई में 5 महिला मंडलों तथा अम्बाड़ी में 6 महिला मंडलों को चेक व मास्क देकर सम्मानित किया। इस दौरान सामाजिक दूरी का विशेष ध्यान रखा गया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार युवाओं, कमजोर वर्गों के उत्थान, किसानों की समृद्धि, महिलाओं की सुरक्षा हेतु वचनबद्ध है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक खेती-खुशहाल किसान योजना ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं के लिए वरदान साबित हो रही है। इस योजना का लाभ उठाकर जहां महिलाएं आत्मनिर्भर होने लगी हैं, वहीं आम लोगों को भी स्वास्थ्यवर्धक सब्जियां मिलने लगी हैं। शहरी विकास मंत्री ने कहा कि सामाजिक गतिविधियों एवं विकास में महिलाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने करने तथा उन्हें सक्षम बनाने के लिए प्रभावशालाी योजनाएं आरंभ की गई हैं। उन्होंने कहा कि मदर टेरेसा असहाय योजना मातृ संबल योजना के अन्तर्गत दो बच्चों के पालन-पोषण पर दी जाने वाली सहायता राशि को को गत वर्षों में 4 हजार रुपये से बढ़ाकर 6 हजार रुपये किया गया है। शहरी विकास मंत्री ने कहा कि कोरोना महामारी से हिमाचल भी अछूता नहीं रहा, परन्तु मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर के कुशल नेतृत्व में प्रदेश सरकार द्वारा समय पर लिए गए ठोस निर्णयों एवं प्रभावी उपायों के कारण प्रदेश में इस महामारी पर काफी हद तक अंकुश लगया जा सका है। उन्होंने कहा कि लोग सामाजिक दूरी की अनुपालना सुनिश्चित करें तथा फ्लू जैसे लक्षण दिखने पर फ्लू कार्नर में ही तुरंत चेकअप करवाएं ताकि किसी भी स्तर पर कोरोना का संक्रमण नहीं फैल सके। उन्होंने सभी लोगों से वायरस के संक्रमण से बचने के लिए बार-बार हाथ धोनें और सैनिटाईजर का प्रयोग करने का आग्रह किया। शहरी विकास मंत्री ने कहा कि रजोल अन्सुई चड़ी सम्पर्क मार्ग पर 1.27 लाख रुपये, झिकली अन्सुई में खेल मैदान पर एक लाख रुपये, कृष्णा के घर से वीर सिंह के घर तक पकका मार्ग पर 2.30 लाख रुपये, टिक्का बोल में पुलिया निर्माण पर एक लाख रुपये, रक्कड़ का बाग में मेला मैदान के लिए दो लाख रुपये, झिकला अन्सुई में शेड निर्माण पर 40 हजार रुपये, रक्कड़ का बाग में शेड निर्माण पर एक लाख रुपये तथा मेन अन्सुई रोड सक महिन्द्र सिंह के घर तक सम्पर्क मार्ग पर 50 हजार रुपये व्यय किए गए हैं। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत चड़ी से झिकली अन्सुई तक सड़क उन्नयन पर एक करोड़ रुपये व्यय किया जा रहा है तथा इस सड़क का कार्य प्रगति पर है। इसके अतिरिक्त अन्सुई में विभिन्न विकासात्मक कार्यों पर 4.27 लाख रुपये व्यय किए जाएंगे। इस अवसर पर मंडलाध्यक्ष प्रीतम चौधरी, महामंत्री सतीश, अश्वनी चौधरी, तिलक राज शर्मा्र, योगराज चड्ढा, पूर्व प्रधान अनसुई अश्वनी, प्रधान अम्बाड़ी कल्पना देवी, प्रेम चन्द, मांगों राम, रिंकू, धर्म चन्द, बिट्टू सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी तथा कर्मचारी मौजूद रहे।
चंबा जिला का जमा दो परीक्षा का ओवर ऑल परीक्षा परिणाम 65.41 फ़ीसदी रहा जो पिछले वर्ष के मुकाबले 13.67 फ़ीसदी अधिक है। पिछले वर्ष परीक्षा परिणाम 51.74 फ़ीसदी था। निजि स्कूलों के परीक्षा परिणाम के साथ ये परिणाम 66.51 बनता है। उपायुक्त एवं जिला मजिस्ट्रेट विवेक भाटिया ने सोमवार को बचत भवन में आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए बताया कि जमा दो परीक्षा में अव्वल रहने वाले विद्यार्थियों के लिए प्रशासन कैरियर काउंसलिंग भी शुरू करेगा ताकि उन्हें जमा दो के बाद अपना कैरियर चुनने में सही दिशा मिल सके। उपायुक्त ने इस वर्ष के परीक्षा परिणाम पर प्रसन्नता जाहिर करते हुए विद्यार्थियों को बधाई भी दी। उन्होंने कहा कि चंबा जिला में शिक्षा विभाग द्वारा भी इस दिशा में अच्छे प्रयास किए गए। जिला प्रशासन द्वारा परीक्षा मित्र ऐप तैयार की गई थी ताकि विशेष तौर से क्रिटिकल घोषित स्कूलों के विद्यार्थियों को सही मार्गदर्शन मिले और उन स्कूलों का भी परीक्षा परिणाम बेहतर बन सके। उपायुक्त ने यह भी कहा कि परीक्षाओं के दौरान इस बार नकल पर भी पूरा अंकुश रखा गया। इस वर्ष कुल 84 नकल के मामले पकड़े गए जबकि पिछले वर्ष यह आंकड़ा 40 था। उपायुक्त ने जानकारी देते हुए बताया कि इस वर्ष विज्ञान संकाय का परीक्षा परिणाम 73.75 फीसदी रहा जो पिछले वर्ष 54 फ़ीसदी था। इस वर्ष विज्ञान संकाय के परीक्षा परिणाम में 18 फीसदी से अधिक की बढ़ोत्तरी दर्ज की गई है। इसी तरह कला संकाय का परीक्षा परिणाम पिछले वर्ष जहां 51 फीसदी था, वहीं इसमें इस बार 12.93 फ़ीसदी बढ़ोतरी दर्ज की गई और इस वर्ष कला संकाय का परीक्षा परिणाम 63.93 फीसदी रहा है। वाणिज्य संकाय का परीक्षा परिणाम भी 67.28 फीसदी रहा। जिला के जिन स्कूलों में 100 फ़ीसदी परीक्षा परिणाम रहा है उनमें राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय संघणी, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बोन्देडी, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय कुम्हारका, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय नडल और भारतीय पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल बनीखेत शामिल रहे। उन्होंने बताया कि जिला के 15 ऐसे स्कूल हैं जिनमें परीक्षा परिणाम 90 से लेकर 96 फीसदी रहा है। इसके अलावा कला संकाय में 100 फ़ीसदी परीक्षा परिणाम 5 स्कूलों में रहा।इसी तरह वाणिज्य संकाय में 7 जबकि विज्ञान संकाय में 10 स्कूलों में 100 फ़ीसदी परिणाम दर्ज किया गया है। उपायुक्त ने कहा कि चंबा जिला की दो छात्राओं ने टॉप टेन में अपनी जगह बनाई है। इनमें 96 फ़ीसदी अंकों के साथ वाणिज्य संकाय में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय चंबा की अमरप्रीत जबकि कला संकाय में 96. 2 फ़ीसदी अंकों के साथ राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय धुलाडा की सविता शामिल है। उपायुक्त ने इन दोनों छात्राओं को भी बधाई दी और कहा कि वे स्वयं इन दोनों छात्राओं के प्रोत्साहन के लिए उनसे मुलाकात करेंगे।
रविवार, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय चंडी अर्की में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया गया। इस दिन विद्यालय के छात्रों के साथ शारीरिक शिक्षक भास्करानंद के मार्गदर्शन में आचरित किया गया। छात्रों ने प्राणायाम व्यायाम करके स्वस्थ रहने का मंत्र सीखा। वही वीडियो बनाकर अन्य छात्रों को हर घर पाठशाला के अंतर्गत बने व्हाट्सएप ग्रुप के द्वारा यह व्यायाम प्राणायाम आसन आदि दर्शाए गए। भास्करानंद ठाकुर ने छात्रों को बताया कि महामारी के इस दौर में जो व्यक्ति स्वस्थ रहने के लिए योग का सहारा लेगा निश्चय ही कोरोना से सुरक्षित रहेगा। योग ना केवल स्वस्थ रखता है अपितु व्यक्तिगत चिंतन को भी उच्च रखता है। आज मानसिक दुर्बलता चिड़चिड़ापन व अकेलेपन से अनेक दुर्घटनाएं आए दिन देखने को मिलती हैं। योग से व्यक्ति का संपूर्ण विकास होता है तथा हीन भावना भी दूर होती है। सभी अभिभावकों ने भास्करानंद के साथ-साथ संपूर्ण विद्यालय परिवार की सराहना की।


















































