हिमाचल प्रदेश के राज्य सहकारी बैंक की नौहराधार शाखा में इसी माह सामने आए बहुचर्चित करोड़ों रुपये के बैंक घोटाले के मामले की जांच के लिए अब पुलिस विभाग की साइबर टीम ने भी डेरा डाल लिया है। साइबर टीम भी नौहराधार पहुंच गई है और तकनीकी आधार पर इस सारे गड़बड़झाले को खंगालने में जुट गई है। फिलहाल इस पूरे मामले की जांच संगड़ाह पुलिस थाना के एसएचओ बृज लाल मेहता के नेतृत्व में गठित एसआईटी कर रही है। इसके साथ-साथ एसआईटी को ऑडिट रिपोर्ट का भी इंतजार है। फिलहाल बैंक प्रबंधन द्वारा इस पूरे मामले को लेकर ऑडिट करवाया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार इसी बीच साइबर टीम भी कम्प्यूटर इत्यादि से तकनीकी आधार पर इस पूरे घोटाले में अनियमितताओं को लेकर जांच में जुट चुकी है। उधर 5 दिन के पुलिस रिमांड के बाद मामले के आरोपी निलंबित सहायक प्रबंधक ज्योति प्रकाश को पुलिस ने अदालत में पेश किया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में रखने के आदेश देकर सेंट्रल जेल नाहन भेज दिया है। बता दें कि बैंक प्रबंधन की तरफ प्रारंभिक जांच के मुताबिक 4 करोड़ 2 लाख रुपये के घोटाले को लेकर संगड़ाह पुलिस थाना में आरोपी सहायक प्रबंधक के खिलाफ केस दर्ज करवाया गया। इसके बाद प्रबंधन ने आरोपी को निलंबित कर दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी सिरमौर रमन कुमार मीणा द्वारा जांच के लिए एसआईटी गठित की गई। इसके बाद गत 25 अगस्त को पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया था। पुलिस सूत्रों की मानें तो ऑडिट रिपोर्ट मिलने के बाद ही यह सामने आ सकेगा कि इस पूरे घोटाले में कौन-कौन शामिल हैं। ऐसे में मामले में अन्य गिरफ्तारियां भी हो सकती है। बैंक प्रबंधन द्वारा मामले में अब तक कुल 7 कर्मचारियों को सस्पेंड किया जा चुका है, जबकि 10 को नोटिस भी जारी किए जा चुके हैं। साथ ही पूरा स्टाफ शाखा से ट्रांसफर किया गया है। प्रबंधन की तरफ से उपभोक्ताओं को भी आश्वस्त किया गया है कि नियमों के मुताबिक टाइम बाउंड में उनकी राशि को लौटाया जाएगा।
हिमाचल प्रदेश में सरकार के प्रयासों के बाद किसान अब रासायनिक खेती को छोड़कर प्राकृतिक खेती को अपना रहे हैं। ऐसे में किसानों को मंडियों में उत्पादों के उचित दाम मिल सके, इसके लिए सरकार ने प्राकृतिक तकनीक के पैदा की जाने वाली गेहूं की खरीद का न्यूनतम समर्थन मूल्य 40 रुपये और मक्का का न्यूनतम समर्थन मूल्य 30 रुपये प्रति किलो कर दिया है। ऐसा करने वाला हिमाचल देश का पहला राज्य बन गया है। हिमाचल प्रदेश में हजारों किसान प्राकृतिक खेती की तकनीक से पैदावार ले रहे हैं। इस पहल के लिए देश और दुनिया में हिमाचल के प्रयासों की सराहना हो रही है। ऐसे में हिमाचल से प्राकृतिक खेती की तकनीक के टिप्स लेने के लिए फ्रांस के राष्ट्रीय कृषि, खाद्य एवं पर्यावरण अनुसंधान संस्थान (आईएनआरएई) के चार वैज्ञानिकों के प्रतिनिधिमंडल ने शिमला में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से भेंट की। एलआईएसआईएस के उप निदेशक प्रो. एलिसन मैरी लोकोंटो के नेतृत्व में टीम में शोधकर्ता प्रो. मिरेइल मैट, डॉ. एवलिन लोस्टे और डॉ. रेनी वैन डिस शामिल हैं। वो प्राकृतिक खेती के क्षेत्र में हुई प्रगति के बारे में जानकारी प्राप्त करने के लिए हिमाचल प्रदेश के दौरे पर हैं। इस दौरान मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि हिमाचल प्राकृतिक खेती के क्षेत्र में अग्रणी राज्य है। प्राकृतिक खेती के जरिए उगाए गए उत्पादों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य प्रदान करने वाला देश का पहला राज्य है। इसके अतिरिक्त किसानों की आर्थिक को मजबूत करने के लिए गाय का दूध 45 रुपये प्रति लीटर और भैंस का दूध 55 रुपये प्रति लीटर की दर से खरीदा जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सीटारा प्रमाणन प्रणाली शुरू की गई है, जिसे किसानों को उचित मूल्य दिलाने के लिए लागू किया जा रहा है। वहीं हिम-उन्नति योजना को राज्य में क्लस्टर आधारित दृष्टिकोण के साथ लागू किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य रसायन मुक्त उत्पादन और प्रमाणन करना है। इसके तहत करीब 50 हजार किसानों को शामिल करने और 2600 कृषि समूह स्थापित करने की योजना है। इसके अलावा राज्य सरकार डेयरी क्षेत्र को बढ़ावा देने और दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए महत्वपूर्ण कदम उठा रही है। आईएनआरएई के वैज्ञानिक तीन सप्ताह तक डॉ. वाईएस परमार बागवानी एवं औद्यानिकी विश्वविद्यालय, नौणी और राज्य के अन्य स्थानों का दौरा करेंगे। उनका दौरा यूरोपीय आयोग की ओर से वित्त पोषित एक्रोपिक्स परियोजना (अंतर्राष्ट्रीय सह-नवप्रवर्तन गतिशीलता और स्थिरता के साक्ष्य की ओर कृषि-पारिस्थितिकी फसल संरक्षण) का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य कृषि-पारिस्थितिकी फसल संरक्षण में सह-नवप्रवर्तन को आगे बढ़ाना है। फ्रांस से आते प्रतिनिधिमंडल ने प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने में राज्य सरकार के प्रयासों और सीटारा प्रमाणन प्रणाली की सराहना की। उन्होंने कहा कि आईएनआरएई इस प्रमाणन प्रणाली को अन्य देशों में अपनाने की संभावना तलाशेगा।
कंगना रनौत के खिलाफ राजकीय महाविद्यालय सोलन में एनएसयूआई का प्रदर्शन ** NSA लगाने की उठाई मांग सोलन के राजकीय महाविद्यालय में एनएसयूआई ने मंडी की सांसद कंगना रनौत के खिलाफ धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान महाविद्यालय में एनएसयूआई ने कंगना रनौत का पुतला भी फूंका गया। सांसद कंगना रनौत के द्वारा जिस तरह से देश के किसानों के प्रति बयानबाजी की जा रही है। उसका एनएसयूआई ने विरोध किया। बता दे कि बीते दिनों कंगना रनौत ने एक इंटरव्यू में कहा था कि अगर हमारी लीडरशीप कमजोर होती तो देश में बांग्लादेश जैसी स्थिति हो सकती थी। सभी ने देखा कि किसान आंदोलन के दौरान क्या हुआ था। प्रदर्शन की आड़ में हिंसा फैलाई गई। वहां बलात्कार हो रहे थे। लोगों को मारकर लटकाया जा रहा था। इस स्थिति में भारत में बांग्लादेश जैसी स्थिति हो सकती थी। केंद्र सरकार ने जब कृषि कानूनों को वापस लिया तो सभी प्रदर्शनकारी चौंक गए। इस आंदोलन के पीछे एक लंबी प्लानिंग थी। इसी बयान को लेकर एनएसयूआई सोलन ने सरकार से कंगना के खिलाफ एनएसए यानी नेशनल सिक्योरिटी एक्ट लगाने की मांग की। इस धरना प्रदर्शन मे छात्र नेता रितिक सिंह, शिवांक, रमन,रितिक झमता,पियूष ,साहिल ,मोहित,प्रदीप,अजय,हेमंत,चिराग,निशील,अंजलि,भीमिका ,मेहाक,श्रेया,सुहानि,महिमा सहित अन्य लोग भी शामिल रहे।
देहरा डाक मंडल के अंतर्गत राष्ट्रीय खेल दिवस का आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम का नेतृत्व देहरा डाक मंडल के अधीक्षक बलबीर चंद और देहरा उप-मंडल के निरीक्षक राज कुमार द्वारा किया गया। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य खेलों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करना था। कार्यक्रम में विभिन्न खेल गतिविधियों का आयोजन किया गया, जिसमें कर्मचारियों और उनके परिवारों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने राष्ट्रीय खेल दिवस के महत्व को समझा और खेलों को जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने का संकल्प लिया।यह आयोजन देहरा डाक मंडल के कर्मचारियों के बीच उत्साह और सहयोग की भावना को और मजबूत करने में सफल रहा।
मंडी: साइबर ठग आपको ठगने के लिए तरह-तरह के पैंतरे अपनाते रहते हैं और कई बार सोशल मीडिया इन ठगों का हथियार बनता है. साइबर फ्रॉड के ऐसे वाकये सुनने में तो दिलचस्प लगते हैं लेकिन ये आपको सावधान रहने की घंटी भी बजाते हैं. ऐसा ही एक मामला हिमाचल प्रदेश से सामने आया है. जहां मंडी जिले की साइबर क्राइम टीम ने हिमाचल के एक युवक से 17 लाख की ठगी करने वाले एक नाइजीरियन मूल के ठग को गिरफ्तार किया है.बता दे कि ठगी का यह मामलो साल 2023 का है. आरोपी नाइजीरियन युवक ने सबसे पहले एक विदेशी लड़की के नाम से फर्जी फेसबुक अकाउंट बनाया और बिलासपुर के एक युवक से दोस्ती कर ली. आरोपी ने फिर विदेश से भारत आने के नाम पर 17 लाख ठग लिए. साइबर क्राइम में दर्ज दी गई जानकारी के अनुसार हिमाचल प्रदेश स्टेट सीआईडी के साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन मध्य जोन मंडी में 25 अगस्त 2023 को युवक ने 17 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला दर्ज करवाया था. शिकायतकर्ता के अनुसार फेसबुक के माध्यम से विदेशी लड़की के नाम से बनी आईडी पर उसकी बातचीत शुरू हुई. कुछ दिन बाद लड़की ने युवक से मिलने के लिए विदेश से भारत आने की बात कही. इसके बाद लड़की ने शिकातकर्ता को बताया कि उसके पास बहुत सारी विदेशी करंसी है, जिसके कारण उसे दिल्ली में कस्टम ऑफिसर ने पकड़ लिया है और अब उसे कस्टम शुल्क अदा करना होगा. जिस पर शिकायतकर्ता ने 17 लाख रूपये लड़की के बताए खाते में ट्रांसफर कर दिए. लड़की के नाम से बनाई थी आईडी पैसे देने के बाद युवक को ठगी का एहसास हुआ. इसके बाद पीड़ित ने साइबर क्राइम थाना में शिकायत दर्ज करवाई. साइबर क्राइम की टीम ने मामले की जांच शुरू कर आरोपी को गिरफ्तार किया. पुलिस भी तब हैरान रह गई जब आरोपी लड़की नहीं बल्कि नाइजीरियन युवक निकला, जिसने फेसबुक पर लड़की के नाम से फेक आईडी बना रखी थी और कई लोगों के साथ ठगी की वारदात को अंजाम दे रहा था. साइबर क्राइम पुलिस थाना मंडी के निरीक्षक संजीव कुमार ने अपनी टीम के साथ 28 अगस्त 2024 को दिल्ली में दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार किया है. आरोपी को पकड़ने के बाद हिमाचल लाया गया है, जहां से उसे कोर्ट में पेश किया गया. साइबर क्राइम थाना मध्य जोन मंडी एएसपी मनमोहन सिंह ने बताया कि, 'आरोपी को तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है. पूछताछ में कुछ और खुलासे होने की संभावना है.'
**पंचवटी आश्रम का उत्तरी भारत में है सर्वश्रेष्ठ स्थान मनीष ठाकुर/ इंदौरा: भारतीय ऋषि सनातन परम्परा में मानव जीवन की 100 वर्ष की आयु को चार वर्ण में बांटा गया है। जैसे ब्रह्मचर्य, गृहस्थ, वानप्रस्थ व सन्यास ,जिसमें प्रत्येक वर्ण को 25 - 25 वर्ष निर्धारित है । उक्त धर्म चर्चा 33वें शतचंडी महायज्ञ संत सम्मेलन संजवां पंचवटी धाम में दरबार के सुश्री महंत कांतेश्वरी दास व साध्वी चेतन स्वरूप महाराज ने चारों वर्ण पर व्याख्या करते हुए कहा कि जब इस सृष्टि की रचना ब्रह्मा जी ने की थी ,उस काल में मानव जीवन को चार भागों में बांट दिया था ।विद्वान ब्राह्मण मंडल में शास्त्री देशराज शर्मा, आचार्य रवि शर्मा , पंडित जोगिंद्रपाल,नवीन आचार्य आदि ने 101 युवकों को महंत के आदेश अनुसार वैदिक व ऋषि परम्परा से उपनयन(यज्ञोपवीत )संस्कार वैदिक मंत्रों से करवाया। प्रत्येक युवक को गुरु मंत्र के साथ साथ यज्ञोपवीत की पवित्रता व ब्रह्मचर्य पालन के नियम बताए। उल्लेखनीय है कि समूह युवक जिनका 0यज्ञोपवीत हुआ उन सभी को नगर के बाहर 24 घंटे पीतांबर परिधान में भव्य कुटीर में बताए। स्वयं भोजन प्रसाद बनाकर गुरु दीक्षा की पालना की। धार्मिक आयोजन में दातारपुर, रामपुर के पीठाधीश्वर महामंडलेश्वर श्री महंत रमेश दास ने अपने संबोधन में कहा कि पंचवटी धाम उत्तरी भारत में सर्वश्रेष्ठ स्थान है। श्री महंत कांतेश्वरी दास व अन्य प्रबंधक समिति की धार्मिक सेवाओं के कारण उतरी भारत में इस आश्रम का नाम विख्यात है। धार्मिक आयोजन में मुख्य यजमान श्री कुलराज पठानिया के साथ साथ ठाकुर कुलदीप ,जगदीश ठाकुर, मास्टर विजय, चौधरी छज्जू राम,ठाकुर सुनंदन,ओम दत्त,जीवन बहल, अश्वनी भाटिया तलवाड़ा,अरुण कुमार तलवाड़ा,शर्मा स्वीट शॉप तलवाड़ा,मातृ शक्ति की और से रेणु ठाकुर,कृष्णा देवी,नीलम शर्मा, अंजना ठाकुर,सुनीता ठाकुर,शास्त्रो देवी, संयोगता शर्मा,स्वीट ठाकुर,रानी ठाकुर,किरण ठाकुर,आदि ने दरबार में नतमस्तक होकर महाराज से आशीर्वाद प्राप्त किया। दरबार के प्रबंधक तरसेम पाल शर्मा के अनुसार अन्नपूर्णा सदन में अमृतरूपी भोजन प्रसाद ग्रहण करने वाले भक्तजनों का रात दिन एक समान तांता लगा हुआ है।
रक्कड़ तहसील के अंतर्गत पड़ते कुरियाल खेड़ा व भरौली के स्थानीय लोगो व आम जनमानस ने विधायक बिक्रम सिंह ठाकुर को ग्राम केंद्र प्रमुख त्रिलोक शर्मा ब अरविंद प्रभाकर के माध्यम से ज्ञापन सौंपा कर अपनी विधायक प्राथमिकता में कुरियाल खेड़ा , हंडाल , दोदूँ राजपूता , दोदूँ ब्राह्मणा भरौली ऊपरली , भरौली झिकली इत्यादि गाँवों को सिंचाई स्कीम के साथ जोड़ने का आग्रह किया है। इस अवसर पर उप प्रधान विनोद मेहता पंचायत दोदूँ राजपूता ( ब्राह्मणा ) प्रधान कोलापुर श्री विपन कुमार ओ बी सी ज़िला देहरा महामंत्री यश पाल पूर्व मंडल अध्यक्ष हरबंस कालिया एवं शेष पाल इत्यादि उपस्थित रहे ।
सीमाएं न लांघे अधिकारी, एसपी शिमला घुमा रहे मेरे आवास के ऊपर ड्रोन, निजता का हो रहा हनन- जयराम ठाकुर मानसून सत्र के चौथे दिन प्रश्नकाल से पहले ही विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर ने सदन में प्वाइंट ऑफ ऑर्डर के तहत उनके निवास स्थान के आस पास ड्रोन चलाने का मामला उठाया। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि मुझ पर नजर रखी जा रही है।शिमला के एसपी मेरी निजता का हनन कर रहे है। विपक्ष के नेता के घर में कौन आ रहा कौन जा रहा है इस पर नजर रखी जा रही है। विपक्ष के विधायकों के फोन पहले ही टैप किए जा रहे हैं जो सही परंपरा नहीं है। जयराम ठाकुर ने अधिकारियों को चेताते हुए कहा कि अधिकारी अपनी सीमाओं को न लांघे हैं जो सही नहीं है। वक्त बदलता रहता है सरकारें आती हैं और जाती हैं लेकिन अधिकारियों को सीमाओं को रहकर काम करना होता है । लेकिन मुख्यमंत्री द्वारा कोई जवाब नहीं दिया गया। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि उनके निवास के बाहर ड्रोन से नजर रखी जा रही है और आज भी जब घर से निकले तो आंगन के पास ड्रोन घूम रहा था जो की दुर्भाग्यपूर्ण है ।सरकार द्वारा विपक्ष के नेता के घर में कौन आ रहा है और कौन जा रहा है इस पर ड्रोन से नजर रखी जा रही है । प्रदेश में कानून व्यवस्था की धज्जियां उड़ाई जा रही है । प्रदेश में लोगों को पीट-पीट कर मारा जा रहा है लेकिन सरकार कानून विपक्ष के लोग हैं उनके फोन टैपिंग करवाए जा रहे हैं और ड्रोन से उनके घरों पर नजर रखी जा रही है जोकि दुर्भाग्यपूर्ण है। मुख्यमंत्री को जवाब देना चाहिए था मुख्यमंत्री चुप बैठे रहे। शिमला एसपी द्वारा सरकार पर सरकार के इशारे पर काम कर रहे है। विधायकों को 8 घंटे तक थाने में पूछताछ के लिए बैठाया जा रहा है और जब वह घर जा रहे हैं तो फिर वापस बुलाया जा रहा है। फिर बिठाया जाता है यह तमाशा बना कर रखा है । जिसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
शिमला: हिमाचल विधानसभा के मानसून सत्र के चौथे दिन हॉर्टीकल्चर कॉलेज के मुद्दे पर जमकर हंगामा हुआ। इस दौरान विपक्ष ने सत्तापक्ष की ओर से सही जवाब न मिलने पर सदन से वाॅकआऊट कर दिया। वाॅकआऊट के बाद विधानसभा परिसर में विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि हमारी सरकार ने सराज विधानसभा क्षेत्र के थुनाग में हॉर्टीकल्चर कॉलेज शुरू किया था और उसकी फोरैस्ट क्लीयरैंस करने के बाद 205 बीघा भूमि कॉलेज के नाम कर दी थी। भूमिपूजन के पश्चात 10 करोड़ रुपए के बजट का प्रावधान भी किया, लेकिन कांग्रेस सरकार के पौने 2 वर्ष के कार्यकाल में इसका टैंडर नहीं हुआ। जब हमने पीडब्ल्यूडी को कहा कि इसका टैंडर करो तो हॉर्टीकल्चर मिनिस्टर ने कहा कि इस टैंडर को रोक दो। जब हमने इसके बारे में पूछा तो सही कारण नहीं बताया गया, जिस पर विपक्ष ने सदन से वॉकआऊट कर दिया। जयराम ने कहा कि सरकार की मंशा या तो इस कॉलेज को बंद करना है या तो इसे शिफ्ट करना है। जयराम ने कहा कि जब हमने कॉलेज को शुरू करने के बारे में पूछा तो सत्तापक्ष की ओर से कहा कि गया कि कॉलेज बनाने के लिए 300 करोड़ रुपए लगेंगे। आप पैसे दीजिए और उसके बाद हम इस कॉलेज का काम शुरू करेंगे। जयराम ने इस जवाब को गैर-जिम्मेदाराना बताया। उन्होंने कहा कि पैसों का इंतजाम करना वर्तमान सरकार की जिम्मेदारी है। हम विपक्ष में हैं और इस मामले में सरकार का सहयोग कर सकते हैं। जयराम ठाकुर ने कहा कि सुक्खू सरकार का ये काम करने का तरीका बन गया है कि जो भी हो सकता है उसे बंद कर दो। मंडी में शिवधाम व मेडिकल यूनिवर्सिटी का काम बंद कर दिया, वहीं पालमुपर कृषि विश्वविद्यालय की जमीन निजी हाथों में सौंपी जा रही है। इससे बड़ा दुर्भाग्य और कोई नहीं हो सकता। वही नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार ड्रोन से मुझ पर नजर रखी रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारियों ने उनकी व्यक्तिगत सीमाओं का उल्लंघन किया है और यह सही परंपरा नहीं है। विपक्ष के नेता के घर में कौन आ रहा है और कौन जा रहा है, इस पर नजर रखी जा रही है। वहीं फोन पहले ही टैप किए जा रहे हैं जोकि एक गंभीर चिंता का विषय है। उन्होंने कहा इस बाबत मुख्यमंत्री ने इसका कोई जवाब नहीं दिया और चुप्पी साधे बैठे रहे।
विकास खंड अधिकारी तन्मय कंवर ने कुनिहार बाजार में दुकानों का किया औचक निरक्षण **प्रतिबंधित सिंगल यूज प्लास्टिक का इस्तैमाल करने वालों के काटे चालान **पांच दुकानदारों के 500 से 5000 के कटे चालान विकास खंड अधिकारी कुनिहार तन्मय कंवर ने क्षेत्र की तीनों पंचायतों कुनिहार, हाटकोट व कोठी के प्रधान उप प्रधान व वार्ड सदस्यों के साथ मिलकर कुनिहार बाजार कोठी चौक से न्यू बस स्टैंड से होते हुए पुराना बस स्टैंड तक होटल ढाबों, मीट शॉप ,अन्य दुकानदारों सहित बैंक आदि का औचक निरक्षण कर सिंगल यूज प्लास्टिक रखने वालो व दुकानों के आगे फैंका व जलाया गया। प्लास्टिक व कूड़ा-कर्कट के चालान किए गए। बीडीओ कुनिहार तन्मय कंवर ने बताया कि पहले कई बार दुकानदारों को विभाग व पंचायतों द्वारा प्रतिबंधित सिंगल यूज प्लास्टिक का इस्तेमाल न करने व दुकानों के आगे गंदगी न फैलाने की अपील की जाती रही है लेकिन अभी भी बहुत से दुकानदार इस अपील की परवाह किए बिना इसका उल्लंघन कर रहे है। इसी के मद्देनजर कुनिहार बाजार में ऐसे दुकानदार जो प्रतिबंधित सिंगल यूज प्लास्टिक का इस्तेमाल कर रहे हैं और जो अपनी दुकानों के आगे खुले में ही प्लास्टिक व अन्य कूड़ा फेंक व जला रहे है उनके चालान कर भविष्य में ऐसा न करने की चेतावनी भी दी गई। उन्होंने बताया कि समय समय पर ऐसे औचक निरीक्षण होते रहेगें। उन्होंने उन सभी दुकानदारों जो पंचायतों द्वारा निर्धारित वेस्ट कलेक्शन फीस नही दे रहे हैं उनसे भी अपील की है कि सभी दुकानदार इसमें सहयोग करे। ताकि कुनिहार शहर स्वच्छ रह सके। आज 5 दुकानदारों के चालान किए गए जिसमे 1चालान 5 हजार व चार चालान 500,500 के किए गए। इस अवसर पर जगदीश अत्री प्रधान पंचायत हाटकोट,बलविंदर चौधरी प्रधान पंचायत कोठी, राकेश ठाकुर प्रधान पंचायत कुनिहार, रोहित जोशी,लायक राम,राकेश कुमार,तेजिंदर आदि मौजूद रहे।
** सरकार ने पेश किए आंकड़े शिमला: इन दिनों सोशल मीडिया पर शराब के अधिक दाम वसूल करने के कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे। वीडियो में शराब के अधिक दाम ग्राहकों से वसूलने के आरोप लगे थे। ये सवाल विधानसभा के मानसून सत्र में भी गूजा। विपक्ष ने इसे लेकर सरकार से सवाल किया था। सदन में अनुपूरक सवाल के जवाब में सरकार ने कहा कि शराब पर ओवरचार्जिंग के लिए सख्त प्रावधान किया गया है। इससे निपटने के लिए 25 हजार से लेकर 1 लाख रुपये तक जुर्माना है। पहले यह 5 हजार से लेकर 25 हजार तक था। सरकार ने ओवर चार्जिंग करने पर 2022-2023 में शराब विक्रेताओं पर ₹ 15,12,000 का जुर्माना लगाया है। 2023-2024 में ₹ 17, 5000, 2024 में अगस्त महीने तक ₹ 15,21,000 जुर्माना लगाया जा चुका है। शराब की विक्री के दौरान ओवरचार्जिंग को लेकर प्रदेशभर से शिकायतें आ रहीं थी। इसको लेकर समय-समय पर सरकार की ओर से कार्रवाई भी की गई है। बता दें कि आबकारी नीति के तहत बॉटल्ड इन ओरिजिन (सिंगल माल्ट, व्हिस्की, रम, जिन, वोदका, बायो बीयर/बायो वाइन, साइडर) पर 10 प्रतिशत लाभांश और भारत में निर्मित सभी बीयर ब्रांड पर 30 प्रतिशत लाभांश तय किया गया है। देसी शराब पर 30 प्रतिशत लाभांश, देश में बनी लो ब्रांड अंग्रेजी शराब पर 15 फीसदी और हाई ब्रांड शराब पर 30 फीसदी लाभांश तय किया गया है। न्यूनतम विक्रय मूल्य से 10 से 30 फीसदी लाभांश से अधिक शराब के विक्रय से संबंधित शिकायत के लिए विभाग ने दूरभाष नम्बर भी जारी किए हैं। इस संबंध में शिकायतकर्ता कांगड़ा जोन में दूरभाष नम्बरः 01894230186, मण्डी जोन में 01905223499, शिमला जोन में 01772620775 सम्पर्क कर सकते हैं। विभाग का नियंत्रण कक्ष सप्ताहभर 24 घंटे कार्यशील रहता है और सभी नागरिक इस प्रकार के मामले संज्ञान में आते ही टोल फ्री नम्बर 18001808063, दूरभाष नम्बर 0177-2620426 और व्हाट्स-एप नम्बर 94183-31426 पर जानकारी साझा कर सकते हैं, ताकि किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधियों पर रोक लगाई जा सके।
हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिला में बीते साल ब्यास नदी में आई बाढ़ के चलते जहां करोड़ों रुपए का नुकसान हुआ। वहीं, लारजी प्रोजेक्ट को भी काफी नुकसान उठाना पड़ा। यहां पर करीब 9 माह तक बिजली का उत्पादन बंद रहा और बिजली बोर्ड को करोड़ों रुपए का नुकसान उठाना पड़ा। बिजली बोर्ड ने भी इस आपदा के लिए एनएचएआई को जिम्मेदार ठहराया और मुआवजा राशि की मांग की थी। लेकिन अब एनएचएआई ने यहां मुआवजा राशि देने से इनकार किया है और उनके द्वारा जो रिपोर्ट तैयार की गई हैं, उसका बिजली बोर्ड के अधिकारियों को अध्ययन करने की सलाह दी है। एनएचएआई की ओर से लारजी विद्युत प्रोजेक्ट प्रबंधन को पिछली बरसात में हुए 650 करोड़ रुपये नुकसान की एवज में मुआवजा राशि देने और रिटेनिंग वाल लगाने के दावे को खारिज करने को लेकर बिजली बोर्ड (उत्पादन) सतर्क हो गया है। अपनी रिपोर्ट में एनएचएआई ने हाइड्रोलॉजिकल अध्ययन का हवाला देते हुए लारजी प्रोजेक्ट प्रबंधन के दावे को गलत बताया है। हालांकि, अब बिजली बोर्ड इस हाइड्रोलॉजिकल अध्ययन को विस्तार से जांच परख कर जवाब देगा और बिजली बोर्ड के उच्चाधिकारियों के ध्यान में भी यह मामला है। बिजली बोर्ड उत्पादन का तर्क है कि बाढ़ के कारण सड़क चौड़ी हुई और इससे नदी का जलस्तर ऊपर उठा है। जबकि एनएचएआई ने बिजली बोर्ड के कई दावों को जांच में सही नहीं बताया है। इसके विपरीत एनएचएआई की जांच में प्रोजेक्ट के डिजाइन और एसपीएफ के नीचे गेट निर्माण को बाढ़ के लिए जिम्मेदार ठहराया है। एनएचएआई के मुआवजा राशि और रिटेनिंग वाल लगाने की मांग को खारिज करने का पत्र बिजली बोर्ड उत्पादन विंग को मिल गया है। इस पर अब विशेषज्ञ गहनता से अध्ययन कर रहे हैं. विंग का मानना है कि एनएचएआई की तरफ से लारजी प्रोजेक्ट को हुए नुकसान के पीछे बताए गए कारण सही नहीं है। इसका जवाब तैयार किया जा रहा है, इसके लिए तथ्य खंगाले जा रहे हैं।
केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के बालाहर स्थित वेदव्यास परिसर में आगामी 31 अगस्त से सात दिवसीय टांकरी लिपि प्रशिक्षण पर राष्ट्रिय कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। कार्यशाला संयोजक डॉ यज्ञदत्त शर्मा ने बताया कि हिमाचल प्रदेश की मूल लिपि टांकरी रही है, जिसमें यहां के सभी लोग अपने-अपने व्यवहार का लेखा-जोखा संरक्षित करते रहे हैं। उन्होंने बताया कि इसके साथ-साथ इसमें ज्योतिष,वास्तु, यन्त्र-मंत्र आदि शास्त्रीय विषयों के साथ कथा, लोकगीत आदि का भी लेखन करते रहे हैं, जिनको यहां वहां बिखरी पड़ी नष्ट हो रही पाण्डुलिपियों में देखा जा सकता है। इतना ही नहीं राजाओं के समय भू-राजस्व का रिकार्ड इसी लिपि में आज भी प्राप्त होता है। यज्ञदत्त के अनुसार राजाओं के आदेश पत्र, दान पत्र, शिलालेख, ताम्र आदि धातु लेख भी इसी लिपि बहुत स्थानों पर प्राप्त होते हैं। लगभग 90 दशक पूर्व हिमाचल में अन्य लिपियों के प्रभाव से इस लिपि का ह्रास हुआ है। अब यह लिपि पोथियों तक सिमट कर रह गई है और अपने नाश के अन्तिम चरण पर स्थित है। इसके पुनरुद्धार के लिए विश्वविद्यालय के यशस्वी कुलपति प्रो. निवास बरखेड़ी के संरक्षकण में और परिसर की निदेशिक प्रो. सत्यम कुमारी के मार्गदर्शन में इस कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यशाला में पांडुलिपि मिशन नई दिल्ली के निर्देशक प्रो.अनिर्वाणदास 31 अगस्त से आगामी दो दिन तक ब्राह्मी और शारदा लिपि का प्रशिक्षण प्रदान करेंगे। अन्य दिनों में परिसर के अध्यापक तथा टांकरी लिपि के जानकार छात्रों को टांकरी लिपि का प्रशिक्षण करवाया जाएगा। सात दिनों तक चलने वाली इस कार्यशाला का समापन 6 सितंबर को किया जाएगा।
हिमाचल प्रदेश में मुख्यमंत्री, मंत्रियों और मुख्य संसदीय सचिवों के वेतन-भत्ते दो महीने के लिए विलंबित होंगे। यानी बाद में मिलेंगे। विधायकों ने भी ऐसा करने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने आज हिमाचल विधानसभा सदन को इस संबंध में अवगत करवाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश की विषम वित्तीय परिस्थिति के दृष्टिगत अपने मंत्रिमंडल के सदस्यों व मुख्य संसदीय सचिवों सहित अपने वेतन व भत्ते दो माह तक विलंबित करता हूं। इसके अतिरिक्त आप सभी सदस्यों से भी अपने वेतन एवं भत्ते स्वेच्छा से विलंबित करने का आग्रह करता हूं। सीएम ने कहा कि प्रदेश की वित्तीय स्थिति ठीक नहीं है। इसके कई कारण हैं। राजस्व घाटा अनुदान जो वर्ष 2023-24 में 8058 करोड़ रुपये थी, इस वर्ष 1800 करोड़ कम होकर 6258 करोड़ रुपये हो गई है। अगले वर्ष (2025-26) में यह 3000 करोड़ रुपये और कम होकर 3257 करोड़ रुपये रह जाएगी। पीडीएनए की लगभग 9042 करोड़ रुपये की राशि में से केंद्र सरकार से अभी तक कोई भी राशि प्राप्त नहीं हुई है। एनपीएस एनपीएस अंशदान के लगभग 9200 करोड़ रुपये पीएफआरडीए से प्राप्त नहीं हुए हैं, जिसका हम केंद्र सरकार से कई बार अनुरोध कर चुके हैं। जीएसटी मुआवजा जून 2022 के बाद मिलना बंद हो गया है, जिससे प्रतिवर्ष लगभग 2500-3000 करोड़ की आय कम हो गई है। ओपीएस बहाल करने के कारण हमारी उधार भी लगभग 2000 करोड़ से कम कर दी गई है। इन परिस्थितियों से पार पाना आसान नहीं है। सीएम ने आगे कहा कि हमने प्रदेश सरकार की आय बढ़ाने और अनुत्पादक व्यय कम करने का प्रयास किया है। इन प्रयासों के परिणाम आने में समय लगेगा।
इंदौरा महाविद्यालय में आज "राष्ट्रीय खेल दिवस" का आयोजन किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्या डॉक्टर सुमीक्षा गुप्ता ने ध्वजारोहण करके खेल की शुरुआत करवाई व खेल विभाग के प्राध्यापक डॉक्टर अवस्थी ने कार्यक्रम का सफल आयोजन करवाया। इस अवसर पर छात्र और छात्राओं की रस्सी कूद व भारोत्तोलन प्रतियोगिता करवाई गई, छात्राओं में नेहा प्रथम, रेखा, सेकंड और लवप्रीत तीसरे स्थान पर रहीं। लड़कों में रस्सी कूद में ध्रुव पहले स्थान पर रहा "भारोत्तोलन प्रतियोगिता" में विशाखा प्रथम, स्थान पर, शिवांगी द्वितीय स्थान पर व पूनम और रुचिका तीसरे स्थान पर रहीं और लड़कों में करण पहले स्थान पर, मानव और जतिन दूसरे स्थान पर व आदित्य और उदित तीसरे स्थान पर रहे। इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्या ने बच्चों को "राष्ट्रीय खेल दिवस" जो "मेजर ध्यान सिंह" की स्मृति में मनाया जाता है के बारे में विस्तार से बताया व डॉक्टर अवस्थी ने भी उनके जीवन से संबंधित घटनाओं को याद किया। इस आयोजन में प्रोफेसर योगेश पाल, प्रोफेसर कुलवंत परमार, प्रोफेसर अंजना गौतम, प्रोफेसर नीरज शर्मा, प्रोफेसर आरती रानी व पूरा स्टाफ उपस्थित रहा ।
हिमाचल प्रदेश में तेजी से बढ़ रही नशे की रफ्तार पर चिंता व्यक्त करते हुए किसान नेता एवं समाजसेवी मनजीत डोगरा ने कहा कि एक रिपोर्ट के अनुसार पिछले 6 वर्षों में एनडीपीएस के तहत दर्ज मामलों में दुगनी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हिमाचल पुलिस के मुताबिक प्रदेश में कुल जनसंख्या का 0.24 प्रतिशत हिस्सा नशे की चपेट में है तथा सर्वे के अनुसार प्रदेश में लगभग दो लाख युवा ड्रग एडिक्ट है तथा हिमाचल प्रदेश ज्यादा नशे करने वाले राज्यों की सूची में देश भर में दूसरे स्थान पर है। मनजीत डोगरा ने कहा कि युवाओं में तेजी से फैलते नशे को रोकने के लिए प्रदेश सरकार को और भी ज्यादा सक्रियता दिखाने होगी तथा नशे के खिलाफ मुहिम को तेज करना होगा। मनजीत डोगरा ने प्रदेश सरकार से मांग करते हुए कहा कि पंचायत स्तर पर नशा निवारण समितियों का गठन किया जाए, ताकि ग्रामीण स्तर पर नशा करने वाले हर व्यक्ति तथा नशे के कारोबार में संलिप्त हर व्यक्ति पर पैनी नजर बनी रहे तथा नशे के आदी हो चुके युवाओं को नशे की लत से बाहर निकलने के लिए सरकार के विभिन्न विभागों जो नशा मुक्ति की दिशा में कार्यरत हैं के साथ निरंतर तालमेल स्थापित किया जा सके ।
जयसिंहपुर भाजपा मंडल अध्यक्ष देवेंद्र राणा ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए बताया कि भाजपा जयसिंहपुर में 2 सितंबर से सदस्यता अभियान शुरू कर रहा है। उन्होंने कहा कि इस बार जयसिंहपुर विधानसभा में 25 हजार सदस्य बनाने का लक्ष्य रखा है। इस अवसर पर पूर्व विधायक रवि धीमान, मंडल महा मंत्री राजेश सुघा, किसान मोर्चा अध्यक्ष अजय पठानिया, युवा मोर्चा अध्यक्ष शिवा कटोच और अन्य भाजपा कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।
वन विभाग कुनिहार के कर्मचारियों ने भी हिमाचल प्रदेश सचिवालय कर्मचारी संघ द्वारा उठाई कर्मचारियों की मांगों के समर्थन में पूरे विधानसभा सत्र तक काले बिल्ले लगाकर कार्य करने का निर्णय लिया है। आज सभी कर्मचारी काले बिल्ले लगाकर कार्यालय पहुंचे। विभाग के सुपरीटेंडेंट रामलाल ने बताया कि सरकार ने पिछले 2 वर्षों से कर्मचारियों व पेंशनरों के लिए कुछ भी नहीं दिया है, जिससे कर्मचारियों की चार किश्ते देय है । साल 2016 में पे स्केल रिवाइज हुए थे उसकी एक किस्त 2022 में मिली थी, वर्तमान में सरकार एक भी पैसा एरियर के रूप में कर्मचारियों के लिए नहीं दे रही है। साथ ही महंगाई भत्ता कर्मचारियों को आज तक नहीं मिला है । उन्होंने बताया कि कर्मचारियों पर काम का बोझ दिन प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है क्योंकि एक कर्मचारी चार से पांच सीटों का कार्य कर रहा है जो की तब भी पूरा नहीं हो पा रहा है वहीं सरकार के उच्च अधिकारियों की पोस्ट एक भी दिन खाली नहीं रहती है तुरंत उस पोस्ट को भर दिया जाता है, जबकि उच्च अधिकारियों की नई नई पोस्ट क्रिएट की जा रही है, जिससे सरकारी खजाने पर दिन प्रतिदिन बोझ बढ़ता जा रहा है। वहीं क्लास 3 क्लास 4 की भर्ती के लिए सरकार द्वारा कोई भी प्रयास नहीं किया गया है । सरकार अपने वेतन भत्तों की हर वर्ष बढ़ोतरी करती है, जिसमें आज तक कोई कटौती नहीं की गई है वहीं सरकार के पास कर्मचारियों को देने के लिए पैसा नहीं है। कर्मचारियों व पेंशनरों के मैडिकल बिल काफी समय से लंबित पड़े है। उन्होंने कहा कि इस सरकार से पेंशनरों और कर्मचारियों ने काफी आस लगाई थी कि यह सरकार हमारी सभी मांगों को पूरा केरेगी, जबकि यह एक कोरा कागज साबित हुई है । इसी लिए आज सरकार के प्रति रोष व्यक्त करते हुए वन विभाग के कर्मचारियों चंद्रशेखर, बलदेव, विनोद कुमार, मनोहर लाल, श्याम लाल, धर्मचंद,सीताराम, प्रेम चंद आदि ने पूरे विधानसभा सत्र के दौरान काले बिल्ले लगाकर कार्य करने का निर्णय लिया है।
मंडी: उपमंडल सरकाघाट के अंतर्गत जाहू-ढलवान-कलखर सड़क पर बस और बाइक की टक्कर में बाइक चालक की मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार यह सड़क हादसा बीती शाम करीब 7 बजे के करीब हुआ। एचआरटीसी सरकाघाट डिपो की बस मंडी से सरकाघाट जा रही थी, जबकि बाइक चालक जाहू से कलखर की ओर आ रहा था। इस बीच तमलेड़ गांव के पास मोड़ पर बस व बाइक की आमने-सामने हुई इस टक्कर में बाइक सवार की मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की पहचान 38 वर्षीय पवन कुमार निवासी गांव मझवाण, डाकघर कलखर के रूप में हुई है। सूचना मिलने के बाद हटली पुलिस थाना प्रभारी दिनेश कुमार और अन्य पुलिस कर्मचारी दुर्घटनास्थल पर पहुंचे और छानबीन शुरू की। थाना प्रभारी ने बताया कि मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।
** इसी माह मिलेगा पचास फीसदी हिस्सा शिमला: कर्मचारियों की डीए व एरियर की डिमांड को लेकर चल रहे विवाद के बीच सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व वाली सरकार ने 75 और इससे ऊपर की आयु वाले पेंशनर्स को एरियर की घोषणा कर दी है। बुधवार को वित्त विभाग के प्रधान सचिव की तरफ से जारी ऑफिस मेमोरेंडम में कहा गया कि पहली जनवरी 2016 से पेंशन/फैमिली पेंशन का संशोधित एरियर तय घोषणा के अनुसार दिया जाएगा। इस संदर्भ में सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने 15 अगस्त को देहरा में आयोजित राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में घोषणा की थी। ऑफिस मेमोरेंडम में कहा गया है कि उपरोक्त आयु वर्ग के पेंशनर्स को बकाया एरियर का पचास फीसदी दिया जाएगा। यानी बाकी बचे 45 फीसदी एरियर का आधा यानी 22.5 फीसदी इसी माह में दे दिया जाएगा। अगस्त 2024 में जिन पेंशनर्स की आयु 75 या इससे अधिक हो गई है, वे इस एरियर के पात्र होंगे। 55 फीसदी एरियर का हो चुका है भुगतान: उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार पेंशनरों को 55 फीसदी एरियर का भुगतान कर चुकी है। बकाया एरियर 45 फीसदी है। इस 45 फीसदी में से आधा हिस्सा यानी 22.5 फीसदी इसी माह जारी किया जाएगा। पेंशनर्स के अलावा फैमिली पेंशनर्स को भी इसका लाभ मिलेगा। इस बारे में प्रधान सचिव वित्त देवेश कुमार ने सभी पीडीए यानी पेंशन डिस्बर्सिंग अथॉरिटीज को निर्देश जारी किए हैं कि पात्र पेंशनर्स को एरियर का भुगतान तय समय में किया जाए। अब इस आयु वर्ग के पेंशनर्स को कुल मिलाकर 77.50 फीसदी भुगतान हो जाएगा। बाकी 22.5 फीसदी आने वाले समय में दिया जाएगा।
हिमाचल प्रदेश में इन लगातार बारिश हो रही है। सोलन में भी वीरवार सुबह से ही मूसलाधार बारिश का दौर शुरू हो गया है। आज बारिश को लेकर मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है। लगातार हो रही बारिश के चलते नदी नालों का जलस्तर बढ़ रहा है। ऐसे में इसे देखते हुए डीसी सोलन मनमोहन शर्मा ने लोगों से नदी नालों से दूर रहने का आग्रह किया है। इसी के साथ सोलन जिले की अश्विनी खड्ड और गिरी नदी के किनारे सभी प्रकार की पर्यटन गतिविधियों पर आगामी 2 माह तक पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। सोलन की अश्वनी खड्ड लगातार हो रही बारिश के चलते अब उफान पर है। वहीं, दूसरी ओर इस खड्ड में गाद आ चुकी है, जिस कारण पानी की सप्लाई शहर में बाधित हो चुकी है। इस खड्ड के किनारे पर्यटन गतिविधियों पर भी अब रोक लग गई है। हालांकि शहर में गिरी पेयजल योजना के जरिए लोगों को पानी मिल रहा है, जिसकी सप्लाई नगर निगम 4 से 5 दिनों बाद शहर में कर रहा है। डीसी सोलन मनमोहन शर्मा ने भारी बारिश को देखते हुए जिला सोलन की सीमा में अश्वनी खड्ड के किनारों और गिरी नदी के किनारों पर सभी प्रकार की अनाधिकृत पर्यटन गतिविधियों एवं व्यावसायिक गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है, जो कि आगामी दो माह तक जारी रहेगा। डीसी सोलन के आदेशों में कहा गया है कि मानसून के मौसम में भारी बारिश के कारण नदी, नालों के किनारे जाना खतरनाक हो सकता है, क्योंकि भारी बारिश के दौरान बादल फटने और लैंडस्लाइड जैसी घटनाएं हो सकती हैं। ऐसे में किसी भी कारण से नदी के जलस्तर में अचानक वृद्धि से जान का खतरा भी हो सकता है। डीसी सोलन के आदेशों के अनुसार स्थानीय पुलिस, जिला पर्यटन अधिकारी के साथ सक्रिय समन्वय स्थापित करते हुए निर्देशों की अनुपालना सुनिश्चित करेगी। इन आदेशों का उल्लंघन करने वालों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
** लंबी लाइनों में खड़े होने से मिलेगा छुटकारा मंडी: अस्पतालों में इलाज करवाने आए मरीजों के लिए सबसे बड़ी परेशानी होती है कि उन्हें लंबी-लंबी कतारों में खड़े रहकर पर्ची कटवानी पड़ती है, जिससे की मरीजों को और ज्यादा दिक्कत का सामना करना पड़ता है। मरीजों को इसी दिक्कत से निजात दिलाने के लिए हिमाचल के जोनल अस्पताल मंडी ने एक नई पहल शुरू की है, जिससे मरीजों या उनके तीमारदारों को लंबी-लंबी लाइनों में लगकर घंटों इंतजार नहीं करना होगा। अब पर्ची काउंटर पर पहुंचे ही पर्ची झट से बन जाएगी, जिसके लिए बस एक क्यूआर कोड को स्कैन करने की जरूरत है। मंडी के जोनल अस्पताल में आपको पर्ची के लिए इंतजार न करना पड़े और आपके काउंटर पर पहुंचते ही पर्ची मिल जाए, इसके लिए मोबाइल फोन पर 'आभा' ऐप डाउनलोड करके पेशेंट का अकाउंट खोलना होगा। इसके बाद काउंटर पर लगाए गए क्यूआर कोड को स्कैन करना होगा, जिसके बाद एक घंटे के लिए एक टोकन नंबर जनरेट होगा। इसके बाद पर्ची काउंटर पर सिर्फ टोकन नंबर, पिता का नाम और जिस विभाग में मरीज को दिखाना है, ये सब बताने के साथ ही आपकी पर्ची बन जाएगी। क्यूआर कोड को भविष्य में पर्ची बनाने के लिए मोबाइल की गैलरी में भी रखा जा सकेगा। जब भी पर्ची बनानी हो तो आभा ऐप में क्यूआर कोड को स्कैन किया, टोकन नंबर लिया औप पर्ची काउंटर पर थोड़ी सी जानकारी देने के बाद पर्ची बना ली। जोनल अस्पताल मंडी के मेडिकल सुपरिटेंडेंट डीएस वर्मा ने बताया, " डीसी मंडी ने पर्ची बनाने में घंटों लगने वाली लाइन की समस्या को दूर करने के निर्देश दिए हैं, जिसके तहत फिलहाल ट्रायल बेसिस पर ये व्यवस्था की गई है। अगर ये व्यवस्था पूरी तरह से सफल रही तो पर्ची काउंटर पर पर्चियां बहुत जल्दी बनना शुरू हो जाएंगी। अभी तक पर्ची बनाने के लिए मरीज का नाम, उम्र, लिंग, मोबाइल नंबर, पता, जिस विभाग में दिखाना है उसकी सारी जानकारी देनी होती हैं। इसे भरने में काफी समय लग जाता था। नई व्यवस्था में अगर कोई क्यूआर कोड को स्कैन करके पर्ची बनाने आता है तो सिर्फ टोकन नंबर, पिता का नाम और जिस विभाग में दिखाना है बताने पर पर्ची तुरंत बन जाएगी। वहीं, डीसी मंडी अपूर्व देवगन ने बताया कि जोनल अस्पताल के पर्ची काउंटर पर लगने वाली लंबी लाइनों का मामला उनके ध्यान में था। उन्होंने प्रशासन को इसमें सुधार करने के निर्देश दिए थे, ताकि अस्पताल में आने वाले मरीजों और उनके तीमारदारों को राहत मिल सके। उन्होंने उम्मीद जताई कि क्यूआर कोड को स्कैन करने से पर्ची बनाने से व्यवस्था में सुधार आएगा। आगे भी ऐसी व्यवस्था किए जाने पर विचार किया जा रहा है कि अस्पताल आने वाले मरीज की घर पर ही पर्ची बन जाए। डीसी मंडी ने बताया कि छुट्टी से अगले दिन अस्पताल आने वाले मरीजों की ज्यादा संख्या को देखते हुए अस्पताल के पिछली ओर कोविड के दौरान बनाए गए काउंटर में भी 9:30 बजे से लेकर 1:30 बजे तक पर्चियां बनाई जा रही हैं।
सिरमौर जिले के संगड़ाह उप मंडल में हरिपुरधार के निकट थोला गांव की होनहार बेटी प्रीति ने मिलिट्री नर्सिंग की परीक्षा पास की है और भारतीय सेवा में सेकण्ड लेफ्टिनेंट नर्सिंग बनने का मार्ग प्रशस्त कर सिरमौर जिला और हिमाचल प्रदेश का नाम गौरवान्वित किया है । प्रीति की यह लगातार चौथी उपलब्धि है। प्रीति ने पहले कम्युनिटी हैल्थ ऑफिसर की परीक्षा पास की और उसके बाद स्टाफ नर्सिंग की परीक्षा पास करके शिमला के चमियाना मे आईजीएमसी के सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में ज्वाइन किया। उसके बाद उन्होंने एम्स में नर्सिंग की परीक्षा पास करके हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर स्थित एम्स में स्टाफ नर्सिंग के पद पर ज्वाइन किया और अब उन्होंने मिलिट्री नर्सिंग की परीक्षा पास करके अपने क्षेत्र और मां-बाप का नाम रोशन किया है। प्रीति की प्रारंभिक पढ़ाई रूप तारा पब्लिक स्कूल गाताधार में हुई है और उन्होंने जमा दों की परीक्षा शिशु विद्या निकेतन नाहन से उतीर्ण की है। उसके बाद उन्होंने सिरमौर जिला के बड़ू साहब कॉलेज से बीएससी नर्सिंग की परीक्षा पास की। उसके उपरांत प्रीति ने पीछे मुड़कर नहीं देखा और लगातार चार उपलब्धियां हासिल करके अब भारतीय सेवा की नर्सिंग परीक्षा पास करके प्रदेश का नाम रोशन किया है। प्रीति का एक भाई शुभम आईआईटी हमीरपुर से बीटेक की परीक्षा पास कर चुका है, जबकि दूसरा भाई प्रियांशु मेडिकल कॉलेज चंबा से एमबीबीएस कर रहा है। प्रीति की माता हेमा ग्रहणी है, जबकि उनके पिता लाल सिंह आयुष विभाग में आयुर्वेदिक अधिकारी के पद पर कार्यरत है। प्रीति अपनी इस उपलब्धि के लिए अपने माता-पिता और गुरुजनों का आशीर्वाद मानती है। उनकी इस उपलब्धि से न केवल सिरमौर और हिमाचल का नाम रोशन हुआ है अपितु युवा पीढ़ी को भी प्रेरणा मिली है। यद्यपि अभी प्रीति ने यह फैसला नहीं किया है कि वह एम्स बिलासपुर में ही अपनी सेवाएं जारी रखेगी या भारतीय सेवा को जॉइन करेगी परंतु प्रीति के गांव में उनके माता-पिता को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।
हिमाचल प्रदेश विधानसभा मानसून सेशन का आज गुरुवार को तीसरा दिन है। 27 अगस्त से 9 सितंबर तक चलने वाले मानसून सत्र में आज सदन की कार्यवाही पूर्वाह्न 11 बजे से शुरू होगी। ऐसे में प्रश्नकाल के दौरान सबसे पहले आरक्षण और भर्तियां, अटल आदर्श विद्यालय, शराब के ठेके और नीति, जल आपूर्ति, रिक्त पद, फसलों को हुए नुकसान, अवैध शराब आदि जैसे विषयों पर सवाल आएंगे। इसके अलावा कुछ विधेयक भी सदन के पटल पर रखे जाएंगे। प्रश्नकाल में तारांकित व अतारांकित दोनों को मिलाकर कुल 81 सवाल लिस्टेड हैं। इनमें 52 सवाल तारांकित हैं। मानसून सत्र के तीसरे दिन राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी दस्तावेजों की एक-एक प्रति सभा पटल पर रखेंगे, जिसमें कंपनी अधिनियम, 1956 की धारा 619 (4) के तहत हिमाचल प्रदेश कृषि उद्योग निगम सीमित का 52वां वार्षिक प्रतिवेदन, वर्ष 2021-22 (विलंब के कारणों सहित); और हिमाचल प्रदेश कृषि, बागवानी और वानिकी विश्वविद्यालय अधिनियम, 1986 (1987 का अधिनियम संख्या 4) की धारा 45 (4) के तहत डॉ. वाईएस परमार औद्यानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी, सोलन का वार्षिक लेखा परीक्षा प्रतिवेदन, वर्ष 2012-13, 2013-14, 2014- 15 एवं 2015-16 (विलंब के कारणों सहित) रखी जाएगी। डॉ. जनक राज और सुख राम चौधरी जलवायु परिवर्तन के मध्यनजर वन महोत्सव के माध्यम से पौधरोपण और कार्बन क्रेडिट पर सदन सरकार से नीति बनाने की सिफारिश करेंगे। इसके अलावा जीत राम कटवाल प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में राजस्व व वन भूमि पर बने घरों और गौशालाओं के नियमितीकरण करने के सदन में सरकार से नीति बनाने पर विचार करने की सिफारिश करेंगे। राकेश जम्वाल बीबीएमबी की ओर से निर्मित व संचालित जल विद्युत परियोजनाओं के कारण उत्पन्न विभिन्न समस्याओं के निवारण के लिए सदन में सरकार से नीति बनाने पर विचार करने की सिफारिश करेंगे। वहीं, जीत राम कटवाल भारतीय प्रजातंत्र व कल्याणकारी राज्य में चिन्हित संवैधानिक प्रावधानों के तहत सामाजिक व आर्थिक सुरक्षा को सुदृढ़ करने तथा विषमताओं के निवारण बारे में सदन में सरकार से नीति बनाने पर विचार करने की सिफारिश करेंगे।
हिमाचल प्रदेश में बारिश के चलते भूस्खलन से निगुलसरी में रामपुर-किन्नौर एनएच-पांच ठप हो गया है। सोलन-मीनस मार्ग भी 13 घंटे बंद रहा। राजधानी शिमला में मंगलवार रात को भारी बारिश से तीन पेड़ गिरे, कुछ क्षेत्रों में डंगे ढहे और भवनों को भी नुकसान हुआ है। बुधवार को शिमला में 2, डलहौजी में 4, मंडी में 1, कल्पा में 2 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई। प्रदेश के अन्य क्षेत्रों में मौसम साफ रहा। हिमाचल में वीरवार को भी बारिश का येलो अलर्ट जारी हुआ है। शुक्रवार से बारिश का दौर थमने का पूर्वानुमान है। जिला किन्नौर के निगुलसरी में एनएच-पांच भूस्खलन के कारण बाधित हो गया है। इससे जिले के हजारों लोगों को परेशानियां का सामना करना पड़ रहा है। ऊपरी पहाड़ी से लगातार हो रहे भूस्खलन से एनएच को बहाल करना चुनौती बना हुआ है। बुधवार सुबह भी करीब साढ़े छह बजे बाधित एनएच को बहाल करने में जुटी मशीन पर बोल्डर गिर गए और मशीन क्षतिग्रस्त हो गई। ऑपरेटर भी बाल-बाल बचा। बीते कई दिनों से निगुलसरी में एनएच-पांच ऊपरी पहाड़ी के दरकने से अवरुद्ध हो रहा है। यातायात ठप होने से जिले के हजारों लोगों को आवाजाही करने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मंगलवार देर शाम सात बजे भी निगुलसरी में एनएच-पांच पर ऊपरी पहाड़ी से भूस्खलन होने का सिलसिला जारी हुआ। बुधवार को भी दिनभर भूस्खलन का सिलसिला जारी रहा और वाहनों के पहिये पूरी तरह से जाम हो गए हैं। राजधानी शिमला में बारिश से भारी नुकसान हुआ है। शहर में तीन जगह पेड़ गिरे हैं। छोटा शिमला में सूचना एवं जनसंपर्क निदेशालय के भवन पर मंगलवार देर रात देवदार का बड़ा पेड़ गिर गया। इससे भवन को नुकसान पहुंचा है। इसके अलावा रुल्दूभट्ठा वार्ड के कुफ्टाधार में बारिश से रास्ता बह गया। कुल्लू जिले में भी मंगलवार रात को भारी बारिश हुई है। 16 सड़कों पर वाहनों की आवाजाही बंद हो गई है। पतलीकूहल के हलाण-दो में एक नाले में बाढ़ आने से सेब के बगीचों को नुकसान पहुंचा है। वहीं मलाणा, गुशैणी और न्यूली में आठ बिजली के ट्रांसफार्मर बाधित हो गए हैं। जिला सिरमौर के हरिपुरधार में बियोंग गांव में भूस्खलन होने से सोलन-मीनस मार्ग 13 घंटे बंद रहा। मंगलवार रात दस बजे बंद हुआ मार्ग बुधवार सुबह 11 बजे खुला। मंगलवार रात को शिमला में 36, मनाली में 42, जुब्बड़हट्टी में 39, कुफरी में 40, नारकंडा में 41, भरमौर में 18, धौलाकुआं में 12 और कसौली में 22 मिलीमीटर बारिश हुई। मंगलवार रात को शिमला में न्यूनतम तापमान 15.6, धर्मशाला में 19.4, ऊना में 22.3, नाहन में 23.9, सोलन में 19.0, मनाली में 15.7, कांगड़ा में 21.5, मंडी में 20.5, बिलासपुर में 23.8, हमीरपुर में 23.4 और चंबा में 22.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ।
कसौली इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल (किपस) सनवारा के पांच विद्यार्थियों ने 23 से 26 अगस्त तक नाहन में अयोजित आठवीं अंतरविद्यालय राज्य स्तरीय ओपन शूटिंग चैंपियनशिप में भाग लेकर कई मेडल अपने नाम किए। इसमें कक्षा 10वीं के छात्र वीरेन गुलिया ने 10 मीटर एयर पिस्टल यूथ श्रेणी में 366/400 स्कोर के साथ स्वर्ण पदक जीत कर नॉर्थ जोन के लिए क्वालिफाइ किया। कक्षा नौवीं की छात्रा प्रियांशी अरोड़ा ने 10 मीटर एयर राइफल सब यूथ वूमेन श्रेणी में 367/400 स्कोर के साथ स्वर्ण पदक जीतकर नॉर्थ जोन के लिए क्वालिफाइ किया। कक्षा 10वीं के छात्र अंश कौशल ने 10 मीटर एयर पिस्टल यूथ श्रेणी में 369/400 स्कोर के साथ कांस्य पदक जीतकर विद्यालय को गौरवान्वित किया। विद्यालय पहुंचने पर स्कूल के प्रबंध निदेशक हीरा ठाकुर, प्रधानाचार्य राजेंद्र प्रसाद, व उप-प्रधानाचार्या पूनम ठाकुर ने सभी प्रतिभागियों को बधाइयां देकर प्रोत्साहित किया।
पुलिस थाना खुंडिया में बतौर एएसआई तैनात जतिंदर कुमार अपनी 36 साल की सेवाएं पुलिस विभाग में देने के उपरांत 31 अगस्त को सेवानिवृत हो रहे हैं। इसी उपलक्ष्य पर पुलिस थाना खुंडिया के समस्त स्टाफ द्वारा जतिंदर कुमार के लिए विदाई पार्टी का आयोजन किया गया, जिसकी अध्यक्षता थाना प्रभारी खुंडिया रणजीत परमार ने की। उन्होंने कहा कि जतिंदर कुमार बहुत ही मिलनसार व्यक्तित्व के इंसान है, ऐसे इंसान बिरले ही पाए जाते हैं। इस दौरान थाना का समस्त स्टाफ भी उपस्थित रहा।
भारतीय जनता पार्टी की राष्ट्रीय स्तर पर सदस्यता अभियान की बैठक धर्मशाला भाजपा मंडल दाड़ी स्थित कार्यालय में आज मंडल अध्यक्ष डॉ. विशाल नेहरिया की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में मुख्यअतिथि के रूप में भाजपा प्रदेश संगठन मंत्री सिद्धार्थन थे। प्रदेश भाजपा सचिव सुमित शर्मा कांगड़ा-चंबा लोकसभा क्षेत्र का सदस्य अभियान का प्रभारी हैं। प्रदेश सचिव एवं सदस्य अभियान के प्रभारी सुमित शर्मा ने बताया की 31अगस्त 2024 को भारतीय जनता पार्टी के सभी कार्यकर्ताओं एवं सदस्यों की सदस्यता खत्म हो जाएगी। दोबारा से इसकी शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 2 सितंबर 2024 को भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता लेकर इसकी शुरुआत की जाएगी। सदस्यता अभियान का पहला चरण सितंबर 2024 को शुरू होकर 25 अक्टूबर 2024 तक चलेगा। इसके साथ 16 अक्टूबर 2024 से 31अक्टूबर तक सक्रिय सदस्यता ग्रहण की जाएगी। सदस्यता ग्रहण करने के लिए मिस कॉल नंबर 8800 00 2024 होगा। इस नंबर पर मिस कॉल करके कोई भी व्यक्ति कोई भी कार्यकर्ता भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर सकता है। सदस्यता अभियान प्रदेश, जिला और मंडल स्तर पर किया जाएगा। भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता मिस कॉल, नमो ऐप, कयू आर कोड, वेबसाइट एवं पर्ची के साथ भी ग्रहण कर सकते हैं । पहले चरण अभियान में लगभग 10 करोड़ से अधिक लोगों को सदस्यता ग्रहण करवाई जाएगी। बैठक में ज़िला अध्यक्ष सचिन शर्मा, प्रदेश प्रवक्ता संजय शर्मा, प्रवक्ता राकेश शर्मा, प्रदेश भाजपा मीडिया सह-प्रभारी एडवोकेट विश्व चक्षु, जिला भाजपा मीडिया सह-प्रभारी अंकुश वर्मा, अशोक जरयाल एंडी, प्रेरणा शर्मा, ललिता वशिष्ट, अनिल चौधरी, अक्षय शर्मा, डॉ. विजय शर्मा, सुनील मनोचा, राजेश वर्मा, रंजू रस्तोगी, शक्ति अत्री, शाश्वत कपूर, सुशील कपूर सिल्लू सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
** बच्चों को सिखाया गया आग से बचाव करना राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय परागपुर में अग्नी शमक विभाग देहरा द्वारा विद्यालय की प्रधानाचार्य सीमा कौशल की अध्यक्षता में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें आग से कैसे बचाव किया जाए उसके लिए अग्नि शमक की टीम जो योगराज के नेतृत्व में आई थी उन्होंने एक मॉक ड्रिल का आयोजन किया, जिसमें विद्यालय के करीब 230 बच्चों और सभी अध्यापकों और संस्कृत यूनिवर्सिटी बलहार से आए प्रशिक्षु अध्यापकों ने भाग लिया। इस कार्यक्रम का आयोजन स्कूल के डिजास्टर मैनेजमेंट सेल के इंचार्ज अरविंद ठाकुर द्वारा विभाग के आदेशों के अनुसार करवाया गया। कार्यक्रम के अंत में प्रधानाचार्य सीमा कौशल द्वारा अग्नी शमक विभाग के अधिकारियों का धन्यवाद किया और बच्चों से आग्रह किया कि सभी बच्चे आज दी गई जानकारी को स्वयं में अपनाएं और समाज के दूसरे लोगों को भी बताएं।
इंदौरा के मंड क्षेत्र के युवाओं द्वारा चम्बा भरमौर सड़क मार्ग पर पड़ते नरोला(राख) में मणिमहेश की यात्रा पर जाने वाले शिवभक्तों के लिए पांचवा वार्षिक लंगर लगाया गया है। जानकारी देते हुए लंगर कमेटी के आयोजको दिनेश कोको, मुकेश, अजय, शेखर शर्मा व विनोद कुमार आदि ने बताया कि यह लंगर युवा शक्ति व मंड क्षेत्र की जनता के सहयोग से लगाया गया है। लंगर का शुभारंभ 22 अगस्त को किया गया था जो प्रभु इच्छा तक चलेगा। चाय पकोड़ा व लंगर व्यवस्था के साथ-साथ यात्रियों के लिए विश्राम करने और सामान्य दवाइयों का भी पूरा प्रबंध किया गया है। यात्रियों के लिए 24 घण्टे लंगर का प्रबंध है।
** मिलिट्री हॉस्पिटल रांची, झारखंड में बतौर नर्सिंग ऑफिसर देंगी सेवाएं कसौली उपमंडल की ग्राम पंचायत दाड़वा के जतरोग (बढेच) गांव की रंजना ठाकुर ने मिलिट्री नर्सिंग सर्विस (MNS) परीक्षा पास कर प्रदेश और जिले का नाम गौरवान्वित किया है। उनके पिता मनीराम, दाड़वा पंचायत के पूर्व उपप्रधान रह चुके हैं। ग्राम पंचायत प्रधान रमेश ठाकुर ने रंजना की इस उपलब्धि के लिए उनके माता-पिता को बधाई दी और कहा कि रंजना की इस उपलब्धि ने पंचायत व क्षेत्र का नाम रोशन किया है। इसके साथ-साथ उन्होंने कहा कि रंजना की यह उपलब्धि पहाड़ी क्षेत्र के लिए खुशी के बात है, जिससे कि समस्त क्षेत्र गर्वान्वित हुआ है तथा ये उपलब्धि अन्य बेटियों व युवाओं के लिए प्रेरणा है। बता दे कि रंजना की प्रारंभिक शिक्षा सीनियर सेकेंडरी स्कूल कुठाड़ से हुई थी। बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई उन्होंने बडू साहिब विश्वविद्यालय से की और इसके बाद फॉर्टिस हॉस्पिटल, मोहाली में अपनी सेवाएं दीं। वर्तमान में रंजना ठाकुर पीजीआई चंडीगढ़ में प्रोजेक्ट नर्सिंग के पद पर कार्यरत हैं। अब उन्होंने MNS परीक्षा सफलतापूर्वक उत्तीर्ण की है और मिलिट्री हॉस्पिटल रांची, झारखंड में बतौर नर्सिंग ऑफिसर सेवाएं देंगी।
आज हिमाचल विधानसभा मानसून सत्र का दूसरा दिन है। सत्र के पहले दिन लड़कियों की शादी की उम्र 21 साल करने वाला विधेयक पेश किया गया, जो कि बिना चर्चा के ही पारित हो गया। वहीं, इसके अलावा नियम 67 के तहत कानून व्यवस्था पर चर्चा न देने से नाराज भाजपा ने सदन से वॉकआउट किया था, जिसके चलते सत्र का पहला दिन हंगामे भरा रहा। सदन के दूसरे दिन की कार्यवाही में शाहपुर विधायक केवल सिंह पठानिया ने बल्क ड्रग पार्क से जुड़ा सवाल किया, जिसके जवाब में उद्योग मंत्री हर्ष वर्धन चौहान ने बताया कि बल्क ड्रग पार्क का निर्माण किया जा रहा है। पार्क बनने पर 50 हजार करोड़ का टर्न ओवर होगा। इससे 20 हजार रोजगार मिलेगा। इस पार्क के लिए मुंबई में 2165 करोड़ के MOU हुए और दुबई में 2645 करोड़ रुपये के MOU किए गए। ये पार्क 31 मार्च 2026 तक पूरा होगा।
बिजली की चोरी पर अंकुश लगाने और बिजली खर्च को लेकर उपभोक्ताओं को अपडेट रखने के लिए विद्युत विभाग द्वारा स्मार्ट मीटर लगाया जा रहे हैं, जिसकी शुरुआत सोलन में आज से की गई है। जिला सोलन में 2,80,000 स्मार्ट मीटर लगाए जाने हैं, जिसके माध्यम से घर बैठे ही उपभोक्ता अपनी बिजली की रीडिंग को जान सकते हैं कि उन्होंने प्रतिदिन कितनी बिजली खर्च की है और कितना उनका बिल आने वाला है। विद्युत विभाग सोलन के एसई विनोद वर्मा ने बताया कि स्मार्ट मीटर को लेकर विभाग ने जिला में कार्य करना शुरू कर दिया है और उसकी शुरुआत आज से विद्युत विभाग ने अपने कार्यालय में मीटर लगाकर की है। उन्होंने कहा कि जिला में 2 लाख 80 हजार स्मार्ट मीटर लगाए जाएंगे।
माइनिंग विभाग नुरपुर द्वारा गुप्त सूचना के आधार पर रात को अवैध खनन करते 3 ट्रैक्टरो का माइनिंग गार्ड सन्नी जसवाल ने मौके पर जाकर 30 हज़ार का चलान काटा। मामले में जानकारी देते हुए माइनिंग ऑफिसर सुरेश ठाकुर ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि इंदौरा के मंड क्षेत्र मे अवैध रूप से भारी मात्रा मे खनन किया जा रहा है, जिस पर कारवाई करते हुए माइनिंग गार्ड सन्नी जसवाल ने रात 10 बजे 3 ट्रैक्टरो को अवैध खनन करते पकडा , जिनसे मौके पर ही 30 हज़ार रुपये जुर्माना लिया गया, सुरेश ठाकुर ने बताया कि अवैध खनन के विरुद्ध अभियान जारी रहेगा।
** 10 व 11 सितंबर को होगा आयोजन प्रागपुर के तहत प्रसिद्ध नौण नक्की मेला व दंगल हर वर्ष की भांति इस साल भी 11 सितंबर को धूमधाम से मनाया जाएगा, जानकारी देते हुए मेला कमेटी के प्रधान रुपिंदर डैनी ने बताया कि 10 को छोटा मेला ओर 11 सितंबर को विशाल कुश्ती दगल का आयोजन नक्की खड़ में किया जा रहा हैं। देश के नामी ग्रामी पहलवान इसमें अपना दम खम दिखाएंगे वहीं प्रितपाल फगवाड़ा जैसे बड़े पहलवान इस मेले की शोभा को बढ़ाएंगे। मेला प्रबंधन कमेटी के समस्त संदस्यो ने इस मेले को सफल बनाने की अपील जनता जनार्दन से की है वहीं धरोहर गाँव से सम्बन्ध रखते सीएम सुक्खू के प्रिंसिपल ऐडवाइजर गोकुल बुटेल इस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि के तौर पर शिरकत करेंगे।
*जयराम ठाकुर बोले, पूर्व सरकार ने 4500 करुणामूलकों को दी नौकरी आज हिमाचल विधानसभा मानसून सत्र का दूसरा दिन है। सत्र के दूसरे दिन करुणामूलकों को नौकरी के मुद्दे पर नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि पूर्व भाजपा सरकार के समय इस मामले में सबसे ज्यादा काम हुआ है। आपकी सरकार को 20 महीने का समय हो गया है और आपकी सरकार ने सिर्फ काम रोकने का काम किया है। जयराम ठाकुर ने सदन में सवाल पूछते हुए कहा कि सरकार बताए की पूर्व सरकार के समय 5 साल में कितने करुणामूलकों को रोजगार दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को जब भी कोई काम अटकाना हो तो कमेटी बना दी जाती है। जयराम ठाकुर ने अनुपूरक सवाल में पूछा कि क्या समयबद्ध तरीके से रोजगार मिलेगा? जिसके जवाब में सीएम सुक्खू ने कहा कि हमारी सरकार ने एक साल में 180 करुणामूलक आधार पर रोजगार दिए हैं। सरकारी कर्मी की विधवा पत्नी को 9 महीने में करुणा मूलक आधार पर नौकरी दी जाएगी। जिसपर विधायक रणधीर शर्मा ने कहा कि करुणामूलकों के लिए जो कमेटी रोहित ठाकुर की अगुवाई में बनी है, क्या वो एमएलए से सुझाव लेगी? जिसके जवाब में सीएम ने कहा कि कमेटी में विपक्ष के सदस्यों की राय लेने में कोई आपत्ति नहीं है। नेता प्रतिपक्ष ने सत्ता पक्ष को घेरते हुए सदन में कहा कि पूर्व सरकार ने 4500 पात्र लोगों को करुणामूलक आधार पर नौकरी दी थी, जबकि इस सरकार ने सिर्फ 180 लोगों को रोजगार दिया है।
हिमाचल विधानसभा मानसून सत्र के दूसरे दिन की कार्यवाही शुरू हो गई है। सदन के सभी सदस्य विधानसभा में पहुंच गए हैं और प्रश्नकाल शुरू हो चुका है। भरमौर के विधायक डॉ. जनकराज ने करुणामूलक आधार पर रोजगार से जुड़ा सवाल किया, जिसके जवाब में सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने बताया कि रोजगार के 1415 मामले करुणामूलक आधार पर लंबित हैं। इस मामले में रोहित ठाकुर की अगुवाई में कैबिनेट सब कमेटी बनाई गई है। इस कमेटी की पहली बैठक में निर्णय लिया गया है कि मेरिट व एजुकेशन के आधार पर करुणामूलकों को नौकरी दी जाएगी। ये मामला लंबे समय से चला आ रहा है।
हिमाचल प्रदेश में आज यानी बुधवार को मौसम विभाग ने भारी बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही प्रदेश के कई हिस्सों में आंधी और बिजली गिरने की चेतावनी भी दी है। खराब मौसम को लेकर आज विभाग ने प्रदेश में येलो अलर्ट जारी किया है। प्रदेश में बीते कल यानी मंगलवार को भी भारी बारिश हुई, जिससे कई सड़क मार्ग भी प्रभावित हुए हैं। राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के मुताबिक प्रदेश में मंगलवार को हुई भारी बारिश के कारण कई जगहों पर लैंडस्लाइड हुआ है और पेड़ गिरने के मामले भी सामने आए हैं, जिसके कारण से प्रदेशभर में अभी 126 सड़कें यातायात के लिए बंद हो गई हैं। शिमला जिले में 41 सड़कें गाड़ियों की आवाजाही के लिए बंद हैं, जिससे लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। भारी बारिश के बाद मंडी जिले में सबसे ज्यादा 59 सड़कें बंद हैं। इसके बाद सोलन में 12 सड़कें, कांगड़ा में 10 सड़कें, कुल्लू में 6 सड़कें, सिरमौर में 4 और ऊना, किन्नौर, लाहौल-स्पीति में 1-1 सड़क बंद है। इसके अलावा बद्दी में भी बुनियादी ढांचे, खासकर सड़कों को भारी बारिश से खासा नुकसान पहुंचा है। वहीं, प्रदेश में 1191 बिजली और 27 जलापूर्ति योजनाएं भी बाधित हैं। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार मंगलवार को शिमला जिले के जुब्बड़हट्टी में शाम तक सबसे ज्यादा 101 मिमी बारिश दर्ज की गई। 27 जून को मानसून की शुरुआत के बाद से हिमाचल प्रदेश में अब तक बारिश में 23 प्रतिशत की कमी आई है। प्रदेश में औसत 591.8 मिमी बारिश के मुकाबले 453.4 मिमी बारिश हुई है। मंगलवार को शिमला जिले का नारकंडा 11.4 डिग्री तापमान के साथ हिमाचल का सबसे ठंडा स्थान रहा, जबकि ऊना 34 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान के साथ सबसे गर्म स्थान रहा।
हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले में इन दिनों हजारों श्रद्धालु मणिमहेश यात्रा के लिए पहुंच रहे हैं। देश के अलग-अलग हिस्सों से श्रद्धालु इस धार्मिक यात्रा के लिए चंबा पहुंच रहे हैं। इस बीच बुधवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में मणिमहेश की यात्रा पर निकले 3 श्रद्धालुओं की मौत हो गई। चंबा पुलिस जांच कर रही है कि ये हादसा कैसे हुआ, बताया जा रहा है कि ये सभी लोग मणिमहेश यात्रा के लिए निकले थे। जहां इनकी कार हादसे का शिकार हुई और कार के खाई में गिरने के कारण 3 लोगों की मौत हो गई, जबकि 8 घायलों की स्थिति भी गंभीर बताई जा रही है। जिन्हें नागरिक अस्पताल में प्राथमिक चिकित्सा के बाद पंडित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज चंबा रेफर कर दिया गया है। गौरतलब है कि चंबा में 26 अगस्त से चंबा जिले में स्थित प्रसिद्ध मणिमहेश यात्रा शुरू हो चुकी है। इस धार्मिक यात्रा के लिए रोजाना सैंकड़ों लोग चंबा पहुंच रहे है। आलम ये है कि भरमौर नेशनल हाइवे पर इन दिनों गाड़ियों का रेला निकल रहा है, जिसके कारण लंबा जाम लग रहा है और गाड़ियां घंटो इस जाम में फंस रही है। हर साल देशभर से हजारों श्रद्धालु इस यात्रा में शिरकत करने के लिए पहुंचते हैं। इस साल ये यात्रा 26 अगस्त से लेकर 11 सितंबर तक चलेगी। इससे पहले 24 अगस्त को भी पठानकोट-चंबा नेशनल हाइवे पर बनीखेत के पास एक कार खाई में गिर गई थी। इस हादसे में कार सवार एक व्यक्ति की मौत हो गई थी, जबकि 3 घायलों को डलहौजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया था और प्राथमिक उपचार के बाद इन्हें भी चंबा मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया था।
हिमाचल में डीए और एरियर के भुगतान की मांग कर रहे कर्मचारी नेताओं पर सरकार ने एक्शन लिया है। प्रदेश के देहरा में आयोजित किए राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने डीए और और छठे वेतन आयोग का संशोधित एरियर का भुगतान की कोई घोषणा नहीं की थी, जिससे कर्मचारी सरकार से नाराज चल रहे हैं। ऐसे में हिमाचल प्रदेश सचिवालय सेवा परिसंघ के तहत पांच कर्मचारी संगठनों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए सचिवालय प्रांगण में जनरल हाउस किया, जिसमें डीए और एरियर का भुगतान की मांग को लेकर सरकार पर अपनी भड़ास निकाली थी। इस दौरान कर्मचारियों ने सरकार को वार्ता के लिए एक दिन का भी अल्टीमेटम दिया था, लेकिन कर्मचारियों को वार्ता के लिए न बुलाकर सुक्खू सरकार के कैबिनेट मंत्री ने कर्मचारियों के खिलाफ बयान जारी कर आग में घी डालने का काम कर दिया, जिसके बाद हिमाचल प्रदेश सचिवालय सेवा परिसंघ के कर्मचारी नेता और भड़क गए और 23 अगस्त को फिर से बुलाए गए जनरल हाउस कैबिनेट मंत्री राजेश धर्माणी पर जमकर अपना गुबार निकाला। ऐसे में सरकार ने हिमाचल प्रदेश सचिवालय सेवा परिसंघ के तहत पांच कर्मचारी संगठनों के 10 कर्मचारी नेताओं को भड़काऊ भाषण देने पर कारण नोटिस जारी किया है। इसमें पांचों कर्मचारी संगठनों के अध्यक्ष और महासचिव शामिल हैं। हिमाचल में स्वतंत्रता दिवस पर लाखों सरकारी कर्मचारियों को आस थी कि सरकार डीए और एरियर के भुगतान को लेकर घोषणा करेगी, लेकिन देहरा में आयोजित हुए स्वतंत्रता दिवस के राज्य स्तरीय समारोह में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने न तो चार फीसदी डीए का जिक्र किया और न ही एरियर के भुगतान की घोषणा की। हालांकि, इस दौरान सीएम ने 75 साल की उम्र पूरी कर चुके आयु के पेंशनरों के एरियर का पूरा भुगतान करने का ऐलान जरूर किया। वहीं, सीएम ने अन्य कर्मचारियों को अगले साल से चरणबद्ध तरीके से डीए-एरियर के भुगतान की बात कही थी। ऐसे में लाखों कर्मचारी सुक्खू सरकार से नाराज चल रहे हैं। प्रदेश में हिमाचल दिवस, स्वतंत्रता दिवस या दिवाली के मौके पर कर्मचारियों को सरकार कुछ न कुछ देने की घोषणा करती है। इस बार भी उम्मीद थी कि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर कर्मचारियों को कम से कम 4 फीसदी डीए की किस्त देने की घोषणा की जाएगी, लेकिन मुख्यमंत्री ने ऐसी कोई घोषणा नहीं की है। प्रदेश सरकार को डीए की तीन किस्त देनी है, जिसमें पहली किस्त 1 जनवरी 2023, दूसरी 1 जुलाई 2023 और तीसरी किस्त 1 जनवरी 2024 से दी जानी है। अब 1 जुलाई 2024 से चौथी किस्त भी देय होगी। वहीं, केंद्र ने अपने कर्मचारियों को तीनों किस्त जारी कर दी हैं, लेकिन हिमाचल सरकार ने डीए की एक भी किस्त नहीं दी है। इसको लेकर 12 अगस्त को मुख्यमंत्री से मिलकर मांग भी की गई थी। संशोधित वेतनमान का एरियर काफी समय से पेंडिंग है। पिछली बार सरकार ने 0.025 फीसदी के हिसाब से एरियर दिए जाने की अधिसूचना जारी की थी, जिसे सभी कर्मचारियों ने नकार दिया था और सरकार को अधिसूचना वापस लेनी पड़ी थी। हिमाचल प्रदेश सचिवालय सेवा परिसंघ के चेयरमैन संजीव शर्मा का कहना है, "सरकार ने 10 कर्मचारी नेताओं को कारण बताओ नोटिस दिया है। इसको लेकर अब अगली रणनीति तैयार की जाएगी। उन्होंने कहा कि डीए और एरियर का भुगतान न करने के विरोध में आज से सभी काले बिल्ले लगाकर काम करेंगे।
अश्वगंधा अभियान 2024 के अंतर्गत राजकीय उच्च विद्यालय घण्डरां में पौधे वितरित किए जाने का कार्यक्रम आयुष विभाग के तत्वावधान में आयोजित किया गया, जिसमें आयुर्वेदिक स्वास्थ्य एवं कल्याण केंद्र पनियाला से चिकित्सा अधिकारी डॉ. विवेक शर्मा विशेष रूप से सम्मिलित हुए। उन्होंने बताया कि उपमंडलीय आयुष चिकित्सा अधिकारी डॉ. शरत चंद्र त्रिवेदी के निर्देशानुसार उक्त विद्यालय में अध्यापकों व विद्यार्थियों में अश्वगंधा के पौधे वितरित किए गए तथा इस दौरान स्वास्थ्य कल्याण एवं पर्यावरण संरक्षण विषय तथा आयुर्वेद के महत्व विषय पर चित्रकला प्रतियोगिता भी करवाई गई। मुख्याध्यापक शशि भूषण ने बताया कि उक्त प्रतियोगिता में महेश प्रथम व अंकित द्वितीय स्थान पर रहे। जिन्हें नकद ईनामी राशि से पुरस्कृत किया गया।
**सेहरा सजाने का मां का सपना टूटा, बिछड़ गई जुड़वां भाइयों की जोड़ी ** 6 साल पहले सेना में हुए थे भर्ती हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले के गिरिपार क्षेत्र आंजभोज के गांव भरली निवासी वीर सपूत आशीष कुमार अपने वतन की सेवा में बलिदान हो गए। मां संतरो देवी का अपने लाडले बेटे के सिर पर सेहरा बांधने का सपना था पर उन्हें क्या पता था कि होनी को कुछ और ही मंजूर है। वहीं जुड़वां भाइयों की जोड़ी भी टूट गई है। बेटे की शहादत की खबर के साथ ही मां का सपना टूट गया। परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट गया है। गिरिपार के आंजभोज व पांवटा साहिब में शोक की लहर है। भूतपूर्व सैनिक संगठन पांवटा साहिब व शिलाई के उपाध्यक्ष नरेंद्र सिंह ठुंडू व पूर्व अध्यक्ष विरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि वीर सपूत आशीष कुमार ने मंगलवार को अरुणाचल प्रदेश में ‘ऑपरेशन अलर्ट’ के दौरान अपने कर्तव्यों का पालन करते हुए देश को अपना सर्वोच्च बलिदान दिया है लेकिन जवान के पूरे परिवार पर जैसे दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। शहीद का जुड़वां भाई रोहित एक निजी कंपनी में सेवारत है। आशीष कुमार का जन्म 14 मार्च 1999 को हुआ। वर्तमान में 19 ग्रेनेडियर बटालियन के अधीन अरुणाचल प्रदेश में सेवारत थे। करीब 6 साल पहले आशीष सेना में भर्ती हुआ। बताया जा रहा है कि अरुणाचल प्रदेश में सैन्य ऑपरेशनल गतिविधि के दौरान सेना के वाहन के दुर्घटनाग्रस्त होने की खबर मिली। इसमें गिरिपार के भरली गांव के वीर सपूत आशीष के भी शहीद होने की खबर है। शहीद आशीष की पार्थिव देह वीरवार तक उनके पैतृक गांव पहुंचने की संभावना है। भूतपूर्व सैनिक संगठन पांवटा साहिब व शिलाई के उपाध्यक्ष नरेंद्र सिंह ठुंडू व पूर्व अध्यक्ष विरेंद्र सिंह चौहान समेत पदाधिकारियों ने गहरा शोक व्यक्त किया है। कहा कि भूतपूर्व सैनिक संगठन लगातार 19 ग्रेनेडियर के नुमाइंदों तथा परिवार से संपर्क में है, जिससे शहीद की पार्थिव देह जल्द से जल्द उनके पैतृक गांव पहुंच सके।
मणिमहेश यात्रा के दौरान सड़क हादसे में चार लोगों की मौत की सूचना है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार बुधवार सुबह करीब 9:00 बजे गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हुई। गाड़ी गिरने की आवाज सुन भरमाणी माता मंदिर में माथा टेकने के लिए पहुंचे श्रद्धालुओं और पुलिस जवानों ने बचाव अभियान आरंभ कर दिया। दुर्घटना के कारणों का पता नहीं चल पाया है। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी कुलबीर सिंह राणा ने सड़क हादसे की पुष्टि की है।
देश और प्रदेश में लहसुन की मांग के साथ बीज के दाम भी बढ़ गए हैं। इस बार किसानों को पिछले वर्ष के मुकाबले 100 रुपये प्रतिकिलो अधिक दाम में लहसुन बीज की खरीद करनी होगी। इन दिनों सोलन सब्जी मंडी में जम्मू और कुल्लू का बीज पहुंचा है। यह बीज ग्रेड के हिसाब से 220 से 280 रुपये प्रतिकिलो तक बिक रहा है। आने वाले दिनों में इसमें और उछाल आने की भी संभावना जताई जा रही है। इस बार किसानों को भी लहसुन के अच्छे दाम मिले हैं। इसमें 100 से 250 रुपये प्रति किलो तक लहसुन की खरीद सब्जी मंडी में की गई है। सोलन, सिरमौर, कुल्लू, सहित अन्य जिलों में सितंबर से अक्तूबर के बीच लहसुन की बिजाई का कार्य किया जाता है। सोलन में हर वर्ष लहसुन का करोड़ों रुपये का कारोबार होता हैं। बीते वर्ष सोलन मंडी में 120 से 180 रुपये प्रतिकिलो तक लहसुन का बीज किसानों को मिला था, जबकि इस वर्ष 100 रुपये महंगा मिलेगा। सोलन, सिरमौर का लहसुन सोलन मंडी से देश सहित विदेश को भी सप्लाई किया जाता हैं। सोलन में करीब 600 हेक्टेयर भूमि पर लहसुन की पैदावार की जाती हैं। कृषि विभाग भी किसानों को लहसुन का बीज देता है। इसमें विभाग ने भी निदेशालय को बीज की मांग भेज दी है। इसमें किसानों को बीज अनुदान पर प्रदान किया जाता है, जबकि अधिकतर किसान सब्जी मंडी सोलन से बीज की खरीद करते हैं। जिले भर में अधिकतर किसान जम्मू का बीज लगाते हैं। सब्जी मंडी सोलन के आढ़ती आशीष ठाकुर ने बताया कि इस बार लहसुन के बीज की मांग अधिक है, जिससे इसके दाम भी बढ़ गए है। सोलन में सिरमौर में सितंबर और अक्तूबर में बिजाई कार्य किया जाता है।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सायरी के 33 मेधावी विद्यार्थियों ने एयरटेल भारती फाउंडेशन के सौजन्य से वैज्ञानिक तथा अद्यतन तकनीक को विकसित करने के दृष्टिगत साईस सिटी शोघी का शैक्षिक भ्रमण किया। मेधावी बच्चों का नेतृत्व स्वयं विद्यालय प्रधानाचार्या इन्दु व अध्यापकों ने किया। सहयोग देने वाले अध्यापको में सीमा, नितिका वंसल लेक्चरर न्यू ( वाणिज्य संकाय) एवं राम प्रताप कौंडल (कलाध्यापक) रहे। शैक्षणिक-भ्रमण को भारती फाउंडेशन के द्वारा प्रायोजित किया गया था तथा बचों ने आर्टिफैक्ट से इसके तहत सम्बन्धित बारिकियों को समझकर विज्ञान की नवीनतम प्रौद्योगिकी को भी प्रत्यक्ष जाना। प्रधानाचार्या इन्दु शर्मा ने मेधावियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि बच्चों को विज्ञान विषय में रुचि लेकर अपना भविष्य बनाकर संस्था, क्षेत्र प्रदेश तथा देश का नाम ऊंचा करना चाहिए। विज्ञान संग्रहालय से बच्चों को अतीत में हुई खोज अनुसन्धान की जानकारी से भविष्य निर्माण और वैज्ञानिक सोच को बल मिलता है। इस शैक्षणिक भ्रमण की दूसरी कड़ी में धार्मिक तथा ऐतिहासिक स्थल तारादेवी में भी शीश नवाया तथा मंदिर की ऐतिहासिक, सामाजिक तथा धार्मिक महत्ता को जानकर शैक्षिक भ्रमण को सफल बनाया। प्रभारी नीतिका (एयरटेल भारती फाउंडेशन ) ने कहा कि ऐसे शैक्षणिक भ्रमण भविष्य में भी आयोजित किए जाते रहेंगे।
**सेब के दामों में गिरावट से बागवान परेशान प्रदेश कांग्रेस सरकार की लापरवाही व नालायकी की वजह से सेब बागवान हताश और निराश महसूस कर रहा है। भाजपा प्रदेश प्रवक्ता चेतन बरागटा ने कहा कि बागवानों का उत्पाद मंडियो में सस्ते दामो पर बिक रहा है। प्रदेश सरकार व APMC का हिमाचल की मंडियों में कोई नियंत्रण नही रह गया है। व्यपारियों व खरीदारों को सेब कौड़ियों के दाम खरीदने की खुली छूट दी जा रही है। बरागटा ने कहा इस तरह की कार्यप्रणाली से मिलीभगत का अंदेशा लगाया जा सकता है। सेब व्यपार के इतिहास में पहली मर्तबा सेब रिकार्ड 1000 से 1500 रुपये दो दिन के अंदर दाम गिरा है, जबकि पूर्व में 100 से 200 रुपये तक कि ही गिरावट देखने को आती थी। बहरहाल यह चिंता का विषय है,सरकार से मांग है कि तुरन्त इस मामले में हस्तक्षेप करें व बागवानों को सेब के उचित दाम दिलाने में सहयोग करें। बरागटा ने कहा की बड़ी हैरत की बात यह है कि सेब बाहुल क्षेत्र से सम्बन्ध रखने वाले कांग्रेस सरकार में मंत्री व विधायकों ने सेब गिरावट व बागवानों को आ रही अन्य असुविधाओं को लेकर चुप्पी साधी हुई है, जबकि चुनावों में कांग्रेस से अपने घोषणा पत्र में पांचवी गारेंटी में कहा था कि बागवान तय करेंगे फलो की कीमत और आज कांग्रेस की वो गारेंटी कहां गई, बागवान ये बात जानना चाहते है। कांग्रेस ने आज तक केवल किसानों बागवानों को गुमराह करने का काम किया है, जबकि पूर्व भाजपा सरकार में पूर्व बागवानी मंत्री नरेन्द्र बरागटा ने बागवानों के हितों को देखते हुए बागवानी के क्षेत्र में अनेकों कीर्तिमान स्थापित किए है, जिसको बागवान हमेशा याद रखेंगें ।
** नियम 67 पर चर्चा न देने से विपक्ष ने किया वॉकआउट हिमाचल मानसून सत्र के पहले दिन ही विपक्ष ने कड़े तेवर दिखा दिए हैं। विपक्ष ने सदन की कार्यवाही शुरू होने के बाद ही सदन में जमकर हंगामा किया नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सदन में विधानसभा अध्यक्ष से प्रदेश में कानून व्यवस्था को लेकर स्थगन प्रस्ताव के तहत चर्चा देने की मांग की, लेकिन इसकी अनुमति नहीं मिली, जिसके बाद विपक्ष द्वारा सदन में नारेबाजी शुरू की और सदन से वॉकआउट किया। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह से चरमराई हुई है। आए दिन घटनाएं सामने आ रही है, लेकिन प्रदेश सरकार अपराधों पर अंकुश लगाने में नाकाम हो रही है। उन्होंने कहा कि बीते दिन बद्दी में एक मारपीट का मामला सामने आए जहां पर 15 लोग लोगों ने तीन युवकों की डंडों से बेरहमी से पिटाई कर दी. जिसमें एक युवक की मौत हो गई है, जबकि दो गंभीर रूप से घायल है। जयराम ठाकुर ने कहा कि बिलासपुर कोर्ट परिसर में ही फायरिंग हुई, जहां पर एक व्यक्ति घायल हुआ था और उसमें एक पूर्व विधायक का बेटा शामिल था। ऐसी कई घटनाएं हैं, जो प्रदेश भर में हो रही है। शिमला के पुलिस थाने में ही कुछ युवक घुसकर पुलिस वालों के साथ मारपीट की। प्रदेश में कानून व्यवस्था नाम की कोई चीज नहीं है। सरकार ने कानून व्यवस्था के लिए पुलिस नहीं बल्कि किसी और चीज के लिए पुलिस को लगाया गया है। विपक्ष के विधायकों को प्रताड़ित करने और उनके फोन की रिकॉर्डिंग करने के लिए। यही नहीं चुने हुए विधायकों को चार-चार घंटे तक थानों में पूछताछ के बहाने प्रताड़ित किया जा रहा है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सरकार प्रदेश कामों में पुलिस जवान न लगाकर कुछ विधायकों को जेड प्लस सुरक्षा दी गई है। यही नहीं पुलिस मुख्यालय में 25 के करीब अधिकारियों को रखा गया है, उन्हें बैठने तक को कुर्सी नहीं मिल रही है। इन सब मुद्दों को लेकर आज जब सदन में मामला उठाया गया तो मुख्यमंत्री कह रहे हैं कि बद्दी वाला मामला चिट्टे से संबंधित मामला है और इस पर चर्चा देने से मना किया जा रहा है। जिसे प्रतीत होता है कि मुख्यमंत्री प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर नहीं है। सदन में इतने गंभीर मामले को लेकर चर्चा नहीं दी गई जिसके चलते उन्हें वॉकआउट करना पड़ा।
**पुलिस पर भी लगाए गंभीर आरोप शिमला: चुराह से बीजेपी विधायक और पूर्व विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज के खिलाफ एक युवती से अश्लील चैट करने का गंभीर आरोप लगे थे। अब उनके खिलाफ हिमाचल में महिला कांग्रेस ने मोर्चा खोल दिया है। कांग्रेस प्रवक्ता अलका लांबा की अगुवाई में हिमाचल महिला कांग्रेस की कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन से विधानसभा तक मार्च निकाला। इस दौरान महिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने 'बेटी को न्याय दो...न्याय दो' के नारे लगाए। इसके साथ ही उन्होंने विधायक हंसराज को जेल भेजने की मांग की है। इस दौरान बैरिकेडिंग कर महिला कांग्रेस की कार्यकर्ताओं को पुलिस ने रोक दिया। महिला पुलिस के साथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं की धक्का-मुक्की भी हुई। महिला कांग्रेस की कार्यकर्ताओं ने बीजेपी विधायक की गिरफ्तारी और उनके मोबाइल फोन की फॉरेंसिक जांच करवाने की मांग के लिए सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू को ज्ञापन भी सौंपा। इस दौरान सीएम सुक्खू ने उन्हें पूरी जांच का भरोसा भी दिलाया है। कांग्रेस प्रवक्ता अलका लांबा ने कहा कि, 'हिमाचल में बेटियां खतरे में हैं। बीजेपी के विधायक हंसराज पर उनकी पार्टी के ही बूथ अध्यक्ष की बेटी ने गंभीर आरोप लगाए हैं। विधायक पर एफआईआर हुई थी, लेकिन उसके बाद क्या हुआ? इसका जवाब जानने के लिए हम पुलिस हेडक्वार्टर जाएंगे। क्या एफआईआर न्याय है? क्या एफआईआर के बाद हंसराज की गिरफ्तारी और पूछताछ होनी चाहिए थी या नही? उनके फोन जब्त कर फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा जाना चाहिए था या नहीं? बेटी भारी दबाव में है, लेकिन ये मामला रफा-दफा नहीं होगा। बीजेपी का पूरा परिवार हिमाचल की बेटी के साथ नहीं अपने आरोपी विधायक के साथ खड़ा है। अब ये मामला वापस नहीं होगा। हम सरकार से मांग करेंगे कि विधायक पर आरोप लगाने वाली युवती को सुरक्षा दी जाए। इस मामले को रफा-दफा करने की बजाय तुरंत विधायक को गिरफ्तार किया जाए। बेटियों के दोषी विधायक की जगह विधानसभा में नहीं जेल में है। अलका लांबा ने कहा कि 'आरोप लगाने वाली बेटी दबाव में है, लेकिन पुलिस पर क्या दबाव है? एफआईआर को दबाने से कुछ नहीं होगा। फोन में सबूत नष्ट हो सकते हैं और सबूत नष्ट होने से बेटियों को न्याय नहीं मिलता है। हमें मालूम है प्रदेश सरकार ने अगर बीजेपी के विधायक को गिरफ्तार कर जेल भेजा तो दिल्ली की सरकार यहां की सरकार को तंग करना शुरू कर देगी, लेकिन हम हिमाचल सरकार के साथ खड़े हैं। एफआईआर के बाद आरोप लगाने वाली युवती पर दबाव बनाना शुरू हुआ था। बता दें कि विधायक और पूर्व विधानसभा उपाध्यक्ष हंसराज के खिलाफ एक युवती से अश्लील चैट करने का गंभीर आरोप लगाए थे। युवती की शिकायत पर जिले के महिला थाने में मामला भी दर्ज हुआ था। युवती ने विधायक से जान का खतरा बताते हुए कई संगीन आरोप लगाए थे। एसपी चंबा को इस बाबत लिखित शिकायत दी थी, जिसके बाद महिला थाने में FIR दर्ज भी हुई, लेकिन इसके बाद आरोप लगाने वाली युवती अपने बयान से पलट गई। युवती ने एक वीडियो जारी कर कहा था कि 'सोशल मीडिया और मीडिया में चलाई जा रही खबरों के बाद मेरे पिता मेरे पास आए। 8 अगस्त 2024 को विधायक हंसराज के खिलाफ मैनें महिला थाना चंबा में रिपोर्ट दर्ज करवाई और 16 अगस्त को पुलिस ने मुझे कोर्ट में पेश किया जहां मैंने बिना किसी दबाव के अपने बयान जज के सामने दर्ज करवाए हैं, जिसमें मैंने स्पष्ट किया मेरे द्वारा विधायक पर लगाए गए सारे आरोप निराधार हैं। मैंने गलतफहमी, मानसिक तनाव और बहकावे के बाद विधायक के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई थी। मेरी शिकायत के आधार पर चुराह कांग्रेस के नेताओं व मीडिया ने झूठी खबरें फैलाई हैं। मेरे पिता के विधायक के साथ पारिवारिक संबंध हैं। सोशल मीडिया पर विधायक और मेरे परिवार के खिलाफ झूठी खबरें फैलाई जा रही हैं। मेरी हाथ जोड़कर सब लोगों से विनती है कि ऐसी अफवाहें ना फैलाई जाएं। इस मामले को लेकर चुराह के विधायक हंसराज का बयान भी सामने आया है। विधायक ने कहा "मेरे ऊपर झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं। यह एक राजनीतिक साजिश है और इन आरोपों में कोई सच्चाई नहीं है।
भाजपा सांसद कंगना रनौत द्वारा निजी अखबार को दिए इंटरव्यू के बाद बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा है। कांग्रेस हो या फिर किसान संगठन दोनों कंगना रनौत के खिलाफ लामबंद हो चुके हैं। कंगना के बयान बाद हुई फजीहत के बाद भाजपा को प्रेस नोट जारी करना पड़ा कि कंगना रनौत के बयान से भाजपा का कोई लेना देना नहीं है। ये बयान कंगना का निजी मत है। वहीं, कंगना को निर्देश दिए कि वो भविष्य में ऐसा कोई बयान न दे। इसी कड़ी में हिमाचल प्रदेश के पीडब्लूडी मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने भी कंगना रनौत पर निशाना साधा है। विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि कंगना रनौत ने जो बयानबाजी किसानों के ऊपर की है और किसान आंदोलन में चीन का और अमेरिका का हाथ होने की संभावना जताई है। ये बयान काफी दुर्भाग्यपूर्ण है और मजाक का केंद्र बन रहा है। इसकी स्थिति विदेश मंत्रालय को सपष्ट करनी चाहिए कि क्या केंद्र की मोदी सरकार की विदेश नीति इतनी कमजोर है कि हमारे आंतरिक मुद्दों में चीन और अमेरिका हस्ताक्षेप कर रहा है। वहीं, केंद्रीय नेतृत्व ने जिस प्रकार कंगना के बयान से पल्ला झाड़ा है वो इस चीज को दर्शाता है कि मानसिक दिवालियापन जो है वो भाजपा की सांसद के बयानों में झलक रहा है। विक्रमादित्य सिंह ने कंहना रनौत को नसीहत देते हुए कहा कि जब आप एक चुने हुए पद पर होते हैं तो गंभीरता और सोच समझकर बयान देने चाहिए। क्योंकि इनका असर भारत तक ही नहीं विदेशों तक होता है और जो विदेशों के साथ हमारी कूटनीति होती है उस पर बड़ा प्रश्नचिन्ह पैदा करती है। मैं उनको कहना चाहता हूं कि उनको ज्यादा ध्यान मंडी संसदीय क्षेत्र के मुद्दों पर देना चाहिए। जिनके लिए अभी तक उनके पास समय नहीं है। वो एक दिन के तूफानी दौरे पर आती हैं और चली जाती हैं। उनको स्थिति सपष्ट करनी चाहिए श्वेत पत्र लाना चाहिए कि वो कितना सहयोग वो दिल्ली से हिमाचल प्रदेश के लिए लाई हैं खासकर मंडी संसदीय क्षेत्र के लिए। उनको विवादित बयानों से और सैंसलैस बयान जो वो समय समय पर देती हैं और जिनके लिए वो जानी जाती हैं उससे उनको बचना चाहिए। सोमवार को हिमाचल कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष संजय अवस्थी ने कहा कि "राजनीति की समझ आने में कंगना रनौत को अभी समय लगेगा। फिल्मों में अभी तक कंगना स्क्रिप्ट पढ़कर काम करती रही है, लेकिन राजनीति फिल्मी स्क्रिप्ट पर नहीं चलती है। मंडी से सांसद बनने के बाद अब कंगना संवैधानिक पद पर हैं। इसलिए कंगना को अब मुद्दों की गंभीरता को समझ कर बयानबाजी करनी चाहिए"। बता दें कि कंगना रनौत ने एक निजी अखबार को इंटरव्यू को में बयान दिया था कि ''अगर हमारा शीर्ष नेतृत्व मजबूत नहीं रहता तो किसान आंदोलन के दौरान पंजाब को भी बांग्लादेश बना दिया जाता। पंजाब में उपद्रवी किसान आंदोलन के नाम पर हिंसा फैला रहे थे। वहां रेप और हत्याएं हो रही थी। कंगना रनौत के इस बयान पर विपक्ष लगातार हमलावर है। कांग्रेस ने कंगना पर एनएसए के तहत एक्शन लिए जाने की मांग की है।
जिला सोलन पैंशनर्ज एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन के जिलाध्यक्ष एवं राज्य पैंशनर्ज कल्याण संघ कार्यकारिणी के मुख्य सलाहकार केडी शर्मा ने सरकार को अल्टीमेटम दिया है कि यदि 15 सितंबर से पहले पैंशनरों की तमाम लंबित पड़ी मांगों को पूर्ण नहीं किया तो पैंशनर्ज संघ सड़कों पर धरना प्रदर्शन करने के लिए बाध्य हो जाएगा। इसलिए संघ सरकार से विनम्रता पूर्वक मांग करता है कि 15 सितंबर तक पैंशनरों की सभी मांगों को पूर्ण करते हुए उनके लंबित पड़े वित्तीय लाभ प्रदान किए जाएं। केडी शर्मा ने कहा कि 23 अगस्त, 2024 को राज्य पैंशनर्ज कल्याण संघ की कार्यकारिणी की बैठक प्रदेशाध्यक्ष आत्माराम शर्मा की अध्यक्षता में शिमला में रोटरी टाउन हॉल में हुई। इसमें निर्णय लिया गया है कि प्रदेश सरकार ने यदि 15 सितंबर, 2024 तक पैंशनरों की मांगे पूर्ण नहीं की तो संघ प्रदेशव्यापी आंदोलन का बिगुल बजा देंगे। प्रदेश के पैंशनरों के हित में संघ द्वारा लिए गए इस निर्णय का केडी शर्मा ने स्वागत किया है और जिला पैंशनर्ज संघ की तरफ से राज्य कार्यकारिणी को आश्वस्त किया है कि वे पैंशनरों के हित में इस लड़ाई में आपके साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलेंगे। केडी शर्मा ने मांगों को दोहराते हुए कहा कि प्रदेश सरकार ने 12 प्रतिशत की तीन किश्तें रोक कर रखी है और इसके साथ ही जुलाई, 2022 से मार्च, 2024 तक का महंगाई भत्ते का एरियर भी नहीं दिया है। यही नहीं, बल्कि छठे नए वेतन आयोग 2016 से मिलने वाला एरियर फरवरी, 2022 तक के पेडिंग वित्तीय लाभ जारी करने का मामला सरकार से कई बार उठाया जा चुका है, लेकिन सरकार पैंशनरों की मांगों को अनसुना करती आ रही है। केडी शर्मा ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस पार्टी की सरकार को सत्ता में आए पौने दो साल का कार्यकाल पूर्ण हो चुका है, परंतु पैंशनरों से चुनाव के दिनों में किए वादों को आज तक पूरा नहीं किया गया है। सरकार के पैंशनरों के प्रति उदासीन रवैये को लेकर प्रदेश के पैंशनर्ज वर्ग में भारी रोष व्याप्त है। संघ के जिलाध्यक्ष एवं राज्य कार्यकारिणी के मुख्य सलाहकार केडी शर्मा व प्रदेशाध्यक्ष आत्माराम शर्मा ने सरकार को 15 सितंबर, 2024 तक पैंशनरों की मांगों को पूर्ण करने का अल्टीमेटम दिया है। संघ पदाधिकारियों ने साफ शब्दों में कहा है कि यदि प्रदेश सरकार ने पैंशनरों की लंबित सभी मांगों को समय रहते पूर्ण नहीं किया तो प्रदेशभर के लाखों पैंशनर सरकार के उदासीन रवैये के विरोध में सड़कों पर धरना प्रदर्शन करने के लिए विवश हो जाएंगे। केडी शर्मा ने कहा कि वर्तमान प्रदेश सरकार ने कई बार आश्वासन दिया कि पेंशनर्ज संघ की संयुक्त सलाहकार समिति का गठन किया जाएगा और शीघ्र ही जेसीसी की बैठक भी बुलाई जाएगी। लेकिन यह सिर्फ आश्वासनों तक ही सीमित है।


















































