देहरा के पूर्व विधायक व भाजपा वरिष्ठ नेता होशियार सिंह ने सरकार के कर्ज पर गंभीर सवाल उठाए हैं। होशियार सिंह ने कहा, कि हिमाचल बनने के बाद 14 सरकारों ने मिलकर 68,000 करोड़ का कर्ज लिया था, लेकिन वर्तमान सरकार ने सिर्फ ढाई साल में 40,000 करोड़ रुपये का कर्ज ले लिया है। सरकार को इसके लिए नोबेल पुरस्कार दिया जाना चाहिए। इस सरकार में सबसे ज्यादा परेशान सरकारी कर्मचारी हैं, जो अपने हक और सुविधाओं को लेकर लगातार आंदोलित हैं। होशियार ने कहा, कि कांग्रेस सरकार ने सत्ता में आने के बाद खुद को ‘व्यवस्था परिवर्तन’ का पैरोकार बताया, लेकिन तीन साल में प्रदेश को पतन की ओर धकेल दिया। यह देश की पहली सरकार है, जिसने चुनाव से पहले 10 गारंटियां दीं, लेकिन सत्ता में आते ही प्रदेश का खजाना खाली होने का बहाना बनाने लगी। होशियार ने कहा, "मुख्यमंत्री की सनातन विरोधी मानसिकता स्पष्ट रूप से उजागर होती है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सरकार बनते ही ये बयान दे चुके हैं कि वो हिमाचल प्रदेश जैसे 98 प्रतिशत हिंदू बहुल राज्य में सनातन को हराकर सत्ता में आए हैं। संजौली मस्जिद को तोड़ने के आदेश के बावजूद सरकार ने कोई कार्रवाई नहीं की। उन्होंने कहा कि, सुक्खू सरकार के ढाई साल के कार्यकाल में केवल उनकी मित्र मंडली खुश है। बाकी आम जनता, कर्मचारी, मजदूर, बेरोजगार सब परेशान है। होशियार ने कहा, बेरोजगारों के साथ सबसे बड़ा धोखा हुआ है। 10 लाख से ज्यादा बेरोजगार पदों के विज्ञापित होने का इंतजार कर रहे हैं। मगर, व्यवस्था परिवर्तन वाली सरकार इस ओर ध्यान नहीं दे रही है।
जसवां-प्रागपुर के विधायक व पूर्व मंत्री बिक्रम ठाकुर ने उनकी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आते देश के प्रथम धरोहर गांव गरली परागपुर में फ़िल्म सिटी स्थापित की जाए इसके लिए केंद्र सरकार के आगे प्रस्ताव रखने की बात कही है। उन्होंने कहा गरली प्रागपुर हमारे इलाके के सबसे ऐतिहासिक गाँव हैं जिनका नाम विश्व पटल पर गूंजता है। इन दोनों गांव में नामी फ़िल्म स्टार फ़िल्म की शूटिंग कर चुके हैं ऐसे में यहां फ़िल्म सिटी बनने से समूचे क्षेत्र को फायदा होगा। बिक्रम ठाकुर ने बताया कि सदन में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के माध्यम से भी इन धरोहर गाँवों को सुंदर और विकसित बनाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया है। उन्होंने कहा कि विश्व स्तर पर प्रसिद्ध गरली-परागपुर की सुंदरता में चार चांद लगाना हम सभी की जिम्मेदारी है और वह जल्द ही इस प्रस्ताव को केंद्र सरकार के समक्ष रखेंगे। इसके साथ ही उन्होंने बुधवार को एबीवीपी कार्यकर्ताओं पर पुलिस प्रशासन द्वारा किए गए लाठीचार्ज का कड़ा विरोध भी जताया। बिक्रम ठाकुर ने कहा कि धर्मशाला के जोरावर ग्राउंड में एबीवीपी कार्यकर्ता शांतिपूर्वक धरना दे रहे थे, उसी दौरान पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज किया, जो अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।
वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व युवा कांग्रेस अध्यक्ष मनोज शर्मा ‘सनी’ ने सोमवार को जारी प्रेस बयान में देहरा के पूर्व विधायक पर कड़ा प्रहार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व विधायक हड़बड़ाहट में समाज को गुमराह करने वाली बयानबाज़ी कर रहे हैं और उनकी टिप्पणियों से प्रतीत होता है कि “हार का सदमा अब तक उनके दिमाग से नहीं गया है।” शर्मा ने कहा कि पूर्व विधायक मंत्री जगत नेगी पर टिप्पणी करने से पहले अपने घर में झांकें। “लोग उनके घर के बारे में भी जानते हैं, लेकिन कोई भी उनकी तरह राजनीति नहीं करता,”। उन्होंने पूर्व विधायक होशियार सिंह पर केंद्र सरकार के धन के दुरुपयोग के आरोप भी लगाए। साथ ही सवाल उठाया कि आखिर किस आधार पर उन्हें सीआरपीएफ जवान उपलब्ध कराए गए हैं। शर्मा ने कहा, “क्या यह देश की सुरक्षाबलों के साथ मज़ाक नहीं? हिमाचल एक शांतिप्रिय राज्य है, जहाँ सत्ताधारी विधायकों को भी सिर्फ एक PSO मिलता है। ऐसे में एक पूर्व विधायक को अतिरिक्त फ़ोर्स मिलना समाज में गलत संदेश देता है।” शर्मा ने केंद्र सरकार के रवैये को “गलत और पक्षपाती” बताते हुए कहा कि होशियार सिंह को जनता को स्पष्ट करना चाहिए कि उन्हें इतनी सुरक्षा क्यों प्रदान की गई है।
राजकीय उच्चतर विद्यालय जसूर में वार्षिक पुरस्कार वितरण तथा सात दिवसीय एनएसएस शिविर का समापन समारोह मनाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता स्कूल के प्रधानाचार्य अनिल कुंद्रा ने की, जबकि समारोह में पूर्व रिटायर्ड प्रिंसिपल नरोत्तम कुमार धीमान बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। मुख्य अतिथि ने स्कूल प्रांगण स्थित सरस्वती माता मंदिर में दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। प्रधानाचार्य अनिल कुंद्रा ने मुख्य अतिथि का स्वागत करते हुए उन्हें स्मृतिचिह्न प्रदान किया और वर्षभर की शैक्षणिक व सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों की रिपोर्ट प्रस्तुत की। कार्यक्रम में स्कूल के बच्चों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ, नशे के दुष्प्रभावों पर आधारित लघु नाटिका, पहाड़ी एवं पंजाबी नृत्य सहित कई मनमोहक प्रस्तुतियाँ दीं। अभिभावकों और उपस्थित अतिथियों ने बच्चों के उत्साह और प्रतिभा की सराहना करते हुए जोरदार तालियाँ बजाईं। अपने संबोधन में मुख्य अतिथि नरोत्तम कुमार धीमान ने कहा कि बच्चों की सफलता सामूहिक प्रयासों का परिणाम है तथा शिक्षा का उद्देश्य केवल किताबों तक सीमित नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण और जीवन मूल्यों का विकास भी है। उन्होंने विद्यार्थियों को आत्मविश्वास, मेहनत और सही दिशा अपनाने का संदेश देते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएँ दीं। कार्यक्रम में एसएमसी प्रधान, पंचायत प्रतिनिधि रवि नैयर, अंकुर शर्मा ‘अंकु’, विभिन्न स्कूलों के अध्यापक, अभिभावक तथा बड़ी संख्या में बच्चे उपस्थित रहे। मेधावी विद्यार्थियों को मंच पर सम्मानित किया गया।
लॉरेट शिक्षण संस्थान ने बार एसोसिएशन देहरा के सहयोग से “नशामुक्त समाज – भारत का संकल्प” विषय पर एक जागरूकता सेमिनार का आयोजन किया। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि माननीय जस्टिस विवेक सिंह ठाकुर, हाई कोर्ट हिमाचल प्रदेश तथा विशेष अतिथि माननीय जस्टिस जिया लाल भारद्वाज, हाई कोर्ट हिमाचल प्रदेश रहे। लॉरेट संस्थान के प्रबंधक एवं निदेशक डॉ. रण सिंह और उदय रण सिंह, तथा प्राचार्य एवं निदेशक डॉ. एम. एस. आशावत ने मुख्य अतिथियों का फूलों का गुलदस्ता भेंट कर स्वागत किया तथा दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इस अवसर पर बार एसोसिएशन देहरा के अध्यक्ष अभिषेक पादा भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से जागरूक करना और समाज को नशामुक्त बनाने हेतु सामूहिक संकल्प लेना था। सेमिनार में माननीय जस्टिस विवेक सिंह ठाकुर ने नशे के बढ़ते प्रसार, इसके स्वास्थ्य एवं सामाजिक प्रभावों तथा इससे बचाव के उपायों पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने युवाओं से नशे से दूरी बनाए रखने और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने की अपील की। सेमिनार में बड़ी संख्या में विद्यार्थी, शिक्षक एवं अभिभावक उपस्थित रहे। अंत में सभी प्रतिभागियों ने “नशामुक्त भारत का संकल्प” लेते हुए समाज में जागरूकता फैलाने का वचन दिया। उन्होंने छात्रों को सकारात्मक सोच अपनाने, खेल-कूद एवं रचनात्मक गतिविधियों में भाग लेने और नशामुक्त समाज के निर्माण में योगदान देने का आग्रह किया। कार्यक्रम के समापन पर प्रो. (डॉ.) विनय पंडित और डॉ. सी. पी. एस. वर्मा ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।
बाबा कांशीराम राजकीय महाविद्यालय डाडा सीबा में वार्षिक खेलकूद समारोह बड़े उत्साह के साथ आयोजित किया गया। समारोह की अध्यक्षता कार्यवाहक प्राचार्य ने की, जबकि पूरे कार्यक्रम का संचालन स्पोर्ट्स इंचार्ज डॉ. रामपाल के निर्देशन में हुआ। खेलकूद गतिविधियों के तहत 100, 200, 400 और 800 मीटर दौड़, लॉन्ग जंप, हाई जंप, डिस्कस थ्रो, गोला फेंक, जैवलिन थ्रो तथा रस्साकशी जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। इस दौरान 100 मीटर बॉयज दौड़ में रिहान, आजाद और आयुष ने प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त किया। वहीं गर्ल्स में मीनाक्षी, वंशिका और आरती प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान पर रहीं। 200 मीटर बॉयज दौड़ में रिहान, आयुष और हर्ष ने पहला, दूसरा और तीसरा स्थान हासिल किया। वहीं गर्ल्स में आरती, वंशिका और पलक शर्मा ने प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त किया। 400 मीटर बॉयज दौड़ में रितेश, रिहान और तरुणदीप ने शीर्ष तीन स्थान हासिल किए। गर्ल्स में वंशिका, तनु और पलक ने क्रमशः पहला, दूसरा और तीसरा स्थान जीता। 800 मीटर बॉयज दौड़ में ऋतिक, आयुष और तरणदीप ने प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त किया, और वहीं गर्ल्स में मीनाक्षी, प्रीति और पायल शीर्ष तीन स्थानों पर रही। हाई जंप गर्ल्स में प्रीति, वंशिका और अनामिका ने पहला, दूसरा और तीसरा स्थान प्राप्त किया। बॉयज हाई जम्प में आयुष, रितेश और हर्ष ठाकुर ने शीर्ष स्थान हासिल किए। लॉन्ग जंप बॉयज में रिहान, आयुष और रितेश ने प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त किया। गर्ल्स में प्रीति, मीनाक्षी और तनु ने शीर्ष तीन स्थान हासिल किए। शॉट पुट (गोला फेंक) में अभिषेक, रेहान और रितेश ने पहला, दूसरा और तीसरा स्थान जीता। गर्ल्स में साक्षी, शीतल और आरुषि ने शीर्ष तीन स्थान प्राप्त किए। इस वर्ष पुरुष वर्ग में रिहान और महिला वर्ग में वंशिका को बेस्ट एथलीट चुना गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। प्रो. देवेंद्र सिंह, खेमचंद, शीतल देवी, कार्यालय अधीक्षक अंबरीश, सहायक पुस्तकालय अध्यक्ष अंजना सहित अन्य कर्मचारियों ने कार्यक्रम के सफल आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। समारोह का समापन राष्ट्रगान के साथ किया गया।
पूर्व उद्योग मंत्री एवं जसवां–प्रागपुर के विधायक बिक्रम ठाकुर ने क्षेत्र की जनता, कार्यकर्ताओं तथा देहरा भाजपा जिला के सभी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं से आग्रह किया है कि वे 4 दिसंबर को धर्मशाला में होने वाले भाजपा के ‘महाघेराव’ में अभूतपूर्व संख्या में पहुँचकर इसे ऐतिहासिक और निर्णायक बनाएं। बिक्रम ठाकुर ने कहा कि यह महाघेराव कांग्रेस सरकार की विफलताओं, टूटे वादों, आर्थिक अव्यवस्था और जनता पर बढ़ाए जा रहे बोझ के खिलाफ हिमाचल की सामूहिक आवाज़ है। प्रदेश में हर वर्ग किसान, कर्मचारी, युवा, व्यापारी और महिला कांग्रेस सरकार की नीतियों से पीड़ित है। ऐसे में यह आंदोलन प्रदेश की जनता के सम्मान, अधिकार और भविष्य की लड़ाई है। बिक्रम ठाकुर ने कहा कि ऐसे हालात में भाजपा का यह महाघेराव सरकार को जगाने और जनता की आवाज़ को मजबूती से उठाने का बड़ा अवसर है। उन्होंने जसवां–प्रागपुर और देहरा के सभी लोगों से निवेदन किया है कि 4 दिसंबर को धर्मशाला अवश्य पहुँचें। उन्होंने कहा कि यह रैली केवल राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि हिमाचल के हितों और हमारे भविष्य की रक्षा का संकल्प है। आप सभी परिवार सहित आएं और इस ऐतिहासिक जन-आंदोलन में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाएं। बिक्रम ठाकुर ने कहा कि जब जनता एकजुट होकर उठती है, तब सरकारें बदलने पर मजबूर हो जाती हैं। 4 दिसंबर को धर्मशाला में होने वाला यह महाघेराव उसी परिवर्तन की शुरुआत है।
हिमाचल प्रदेश भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश मीडिया सह-प्रभारी एडवोकेट विश्व चक्षु ने सुक्खू सरकार पर तीखा हमला बोला उन्होंने कहा कि शीतकालीन सत्र में “जनता की गैर मौजूदगी” सरकार की असफलता पर सबसे बड़ा मुहरनामा है। उन्होंने कहा कि जनता सरकार को अपना नहीं मान रही, यही कारण है कि इस बार तपोवन सत्र में फरियादी पहुंच ही नहीं रहे हैं। अब प्रदेश का हर पीड़ित वर्ग, पूर्व पेंशनर्ज सरकार व विधानसभा में घेराव करने के लिए पहुंच रहे हैं। विश्व चक्षु ने कहा कि जब सरकार जनता की समस्याओं से मुंह मोड़ ले, अधिकारियों की मनमानी चरम पर हो और भ्रष्टाचार नई ऊंचाइयों को छूने लगे, तब जनता का सरकार से मोह भंग होना स्वाभाविक है। आज हालात यह हैं कि लोग अपनी पीड़ा लेकर सदन तक आने को भी तैयार नहीं, क्योंकि उन्हें पता है कि इस सरकार में सुनवाई नहीं होने वाली है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुक्खू की प्राथमिकता सिर्फ़ राजनीतिक बयानबाज़ी और फोटोग्राफी रह गई है, जबकि प्रदेश की अर्थव्यवस्था, सड़कें, कर्मचारियों के मुद्दे, बेरोज़गारी और विकास कार्य ठप्प पड़े हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा इसके खिलाफ प्रदेशभर में जनसंपर्क अभियान चलाएगी और जनता की आवाज़ को बुलंद करेगी।
सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती के अवसर पर युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा आयोजित ‘एक भारत – आत्मनिर्भर भारत: यूनिटी मार्च’ में हिमाचल प्रदेश से 21 युवा डेलीगेट्स शामिल हुए है। मोर्चा प्रदेश महामंत्री सुशील कदशोली के नेतृत्व में हिमाचल का युवा दिल्ली से गुजरात स्थित स्टैच्यू ऑफ यूनिटी तक 8 दिवसीय राष्ट्रीय एकता यात्रा में भाग ले रहा है। इस दौरान हिमाचल के 21 प्रतिनिधि पूरे देश के युवाओं के साथ दिल्ली से गुजरात तक विशेष एकता यात्रा कर रहे हैं। यात्रा के दौरान लगभग 152 किलोमीटर की पैदल यात्रा एवं व्यापक जनसंपर्क अभियान आयोजित किया जाएगा। प्रदेश के हर जिले से 2 युवा मोर्चा पदाधिकारी जिसमें सुशील कदशोली प्रदेश महामंत्री एवं ज्वालामुखी से सम्बन्ध रखने वाले दो युवा नेता अजय राणा प्रदेश सोशल मीडिया सह संयोजक एवं अजय राणा मंडल खुंडियां के अध्यक्ष एवं अन्य जिलों से आए युवा नेता शामिल हुए। इस राष्ट्रीय अभियान में हिमाचल प्रदेश के सभी जिलों से युवा मोर्चा के जिला पदाधिकारी एवं सक्रिय युवा भाग ले रहे हैं, जिससे पूरे प्रदेश का व्यापक प्रतिनिधित्व सुनिश्चित हुआ है। युवाओं ने इस अवसर को अपने जीवन का गौरवपूर्ण क्षण बताया। प्रतिनिधियों ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल की विचारधारा विविधता में एकता को देश-भर में पहुँचाना इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य है। मोर्चा प्रदेश महामंत्री सुशील कदशोली ने कहा स्टैच्यू ऑफ यूनिटी तक की यह ऐतिहासिक यात्रा केवल एक मार्च नहीं, बल्कि राष्ट्र की शक्ति, एकता और सांस्कृतिक विविधता का जीवंत प्रतीक है। हिमाचल का युवा दल एकता, आत्मनिर्भरता और सेवा की भावना लेकर आगे बढ़ रहा है।
हिमाचल की 14वीं विधानसभा का शीतकालीन सत्र आज धर्मशाला के तपोवन में शुरू हो गया है। 5 दिसंबर तक चलने वाले सत्र के दौरान कई मुद्दों पर तपोवन में चर्चा होगी। इस सत्र में कुल आठ बैठकें होंगी। पहले दिन सदन में प्रश्नकाल में गतिरोध पैदा कर विपक्ष ने पंचायतों के चुनाव में देरी करने पर सारा काम रोककर स्थगन प्रस्ताव लाया। इस पर हंगामा होने की आशंका थी पर सरकार ने चर्चा के लिए हामी भर दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि संविधान की सबसे बड़ी रक्षक कांग्रेस पार्टी है, महिलाओं के लिए पंचायती राज संस्थाओं में कांग्रेस ने आरक्षण का प्रावधान किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि यूं तो यह मामला अर्धन्यायिक रहा है। लेकिन इसके बावजूद विपक्ष ने आज संविधान दिवस होने की बात की है तो सरकार ने इसे मंजूर किया है। उन्होंने कहा कि कानून का यदि सही मायने में कोई संरक्षक है तो वह कांग्रेस पार्टी ही है। जो भी इस संबंध में कार्य हो रहा है वह कानून की परिधि में ही हो रहा है। कानून की परिभाषा को स्पष्ट करने का अधिकार न्यायालय के पास है और मामला कोर्ट में है। इससे पूर्व भाजपा विधायक रणधीर शर्मा ने नियम 67 के तहत स्थगन प्रस्ताव लाते हुए कहा कि सरकार सांविधानिक संस्थाओं का सम्मान करे। पंचायत चुनाव समय पर होने चाहिए। आज विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने सदन में संविधान की प्रस्तावना भी सभी से पढ़वाई। चर्चा में भाग लेते हुए नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि 1975 में आपातकाल लगाकर भी इसी तरह से चुनाव टाले गए थे। जयराम ठाकुर ने कहा कि आपदा प्रबंधन एक्ट लगाकर इसकी आड़ में चुनाव टाले जा रहे हैं। कोविड जैसा संकट होने के बावजूद भाजपा सरकार ने चुनाव करवाए। यह बहुत बड़ा संकट था। उससे बड़ा संकट आज की तिथि में नहीं है। स्पीकर कुलदीप सिंह पठानिया ने भाजपा विधायक रणधीर शर्मा की ओर से स्थगन प्रस्ताव लाने के बाद सीएम को सदन की अगली कार्यसूची के बारे में अवगत करवाने की बात की। इस पर जयराम ठाकुर ने विरोध किया। इस पर स्पीकर ने नियम 72 का हवाला देते हुए कहा कि ऐसा किया जा सकता है। इसके बाद सीएम ने कार्यसूची पढ़ी। सदन के पटल पर राष्ट्रपति और राज्यपाल से मंजूर विधेयक भी रखे गए। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि मंडी में सरकार के तीन साल पूरा होने पर जश्न नहीं, विजन बताएंगे।
धर्मशाला के तपोवन में प्रदेश की 14वीं विधानसभा का शीतकालीन सत्र 26 नवंबर से 5 दिसंबर तक चलेगा। सत्र के दौरान कई मुद्दों पर चर्चा होगी। इस सत्र में कुल आठ बैठकें होंगी। यह पहला शीतकालीन सत्र है जो आठ दिन तक चलेगा, जबकि पहले यह सात दिन का होता था। राष्ट्रगान के साथ ठीक 11:00 बजे शीत सत्र शुरू हुआ। संविधान दिवस पर विधानसभा में संविधान की प्रस्तावना पढ़ी गई । स्पीकर ने सभी को प्रस्तावना की प्रति उपलब्ध करवाई। इसके बाद मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने पूर्व विधायक स्व. बाबू राम गौतम के प्रति सदन में शोकोद्गार प्रस्ताव पेश किया । जयराम और अन्य विधायकों ने इस प्रस्ताव पर अपना वक्तव्य दिया। पठानिया ने कहा कि विधानसभा परिसर के अंदर विस सदस्यों को ही प्रेसवार्ता करने का अधिकार होगा। इसके अलावा अन्य कोई भी व्यक्ति विधानसभा परिसर में प्रेसवार्ता नहीं कर सकेगा। परिसर के बाहर कोई भी व्यक्ति प्रेस वार्ता कर सकता है। 28 नवंबर और 4 दिसंबर को गैर सरकारी कार्यों के लिए दिन निर्धारित हैं। सत्र में विधायक 744 प्रश्न पूछेंगे, जिनमें 604 तारांकित और 140 अतारांकित प्रश्न शामिल हैं। सत्र के दौरान नियम 62 के तहत 11 सूचनाएं, नियम 63 के तहत 4, नियम 101 में 7, नियम 130 में 16 और नियम 324 में एक सूचना सदस्यों से प्राप्त हुई है। पहले दिन की कार्यवाही शुरू होने से पहले मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह ने नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर और भाजपा विधायकों के साथ सदन में शिष्टाचार भेंट कर सत्र के लिए शुभकामनाएं प्रेषित कीं। सत्र की शुरुआत में स्पीकर कुलदीप पठानिया ने सदन के नेता, नेता प्रतिपक्ष और सभी सदस्यों का सदन में स्वागत किया धर्मशाला के तपोवन स्थित विधानसभा परिसर में पहुंचने पर डिप्टी चीफ व्हिप केवल सिंह पठानिया और अन्य विधायकों ने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह का स्वागत किया। मुख्यमंत्री व स्पीकर कुलदीप सिंह पठानिया की भी भेंट हुई। प्राप्त प्रश्नों और सूचनाओं में आपदा प्रबंधन, बाढ़, स्कूलों का विलय, हाल ही में हुई भारी बारिश व प्राकृतिक आपदा से नुकसान, सरकार के आपदा रोकथाम के प्रयास, सड़क और पुल निर्माण, स्वीकृत सड़कों की डीपीआर, स्कूलों-कॉलेजों और स्वास्थ्य संस्थानों का उन्नयन, रिक्त पदों की पदपूर्ति, पर्यटन, उद्यान, पेयजल आपूर्ति, नशे की रोकथाम, आपराधिक मामलों और परिवहन व्यवस्था शामिल है। कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि सत्र सही तरीके से चले, इसके लिए उन्होंने बुधवार को दोनों दलों के प्रमुख नेताओं की बैठक बुलाई है।
पीएम श्री राजकीय मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल, गंगथ में आज वार्षिक पारितोषिक वितरण समारोह हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में विधायक मलेन्द्र राजन बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। इस अवसर पर विद्यार्थियों की उपलब्धियों का सम्मान किया गया तथा विकास कार्यों की महत्वपूर्ण घोषणाएँ भी की गईं। विधायक मलेन्द्र राजन ने बताया कि विद्यालय में परीक्षा भवन, तीन कक्षाएँ, एक कार्यालय और दो शौचालयों के निर्माण के लिए प्रस्ताव भेजा जा चुका है, जिसे शीघ्र स्वीकृत कर निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि गंगथ–घेटा सड़क लगभग 9 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन है और जल्द ही इसे जनता को समर्पित किया जाएगा। उन्होंने जानकारी दी कि गंगथ छिंज कमेटी स्टेडियम के लिए 79 लाख रुपये स्वीकृत हो चुके हैं, जबकि विद्यालय के खेल मैदान हेतु 5 लाख रुपये की राशि प्राप्त कर ली गई है। साथ ही विद्यालय में एनसीसी बी विंग यूनिट की शुरुआत भी आज से कर दी गई। मलेन्द्र राजन ने कहा कि विद्यार्थियों के हित में 16 प्रकार की छात्रवृत्ति योजनाएं सुचारू रूप से संचालित की जा रही हैं। उन्होंने पिछले वर्ष की गई घोषणा को दोहराते हुए बताया कि टॉप 10 मेरिट में आने वाले प्रत्येक विद्यार्थी को 21 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि उनकी ओर से दी जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि विद्यालय के 8 विद्यार्थी हवाई यात्रा के माध्यम से शैक्षिक भ्रमण पर गए हैं, जो पूरे क्षेत्र के लिए गौरव का विषय है। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि शिक्षा विभाग की 16 कनाल भूमि पर नर्सिंग कॉलेज स्थापित करने के लिए सरकार से शीघ्र वार्ता की जाएगी।कार्यक्रम में स्कूल के प्रधानाचार्य विनय महाजन ने वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। इस अवसर पर कांग्रेस कार्यकर्ता सुभाष सेठी, प्रधान गंगथ सुरेन्द्र भल्ला, ब्राह्मण कल्याण बोर्ड सदस्य सुरेन्द्र शर्मा, जिला शिकायत निवारण समिति सदस्य अस्लम खान एवं नरेश शर्मा, कांग्रेस कार्यकर्ता राकेश शर्मा, राजीव चौधरी, अजय कुमार, हरबंस धीमान, अश्वनी चौधरी, एसएमसी प्रधान भवानी दत्त सहित कई गणमान्य उपस्थित रहे। प्रशासनिक अधिकारियों में नायब तहसीलदार प्रवेश शर्मा, बीडीओ सुदर्शन सिंह, एसडीओ लोक निर्माण हरीश ठाकुर, एसडीओ विद्युत विभाग वीरेन्द्र और एसडीओ जल शक्ति राजिंदर सनोरिया भी कार्यक्रम में मौजूद रहे।
विधायक मलेंद्र राजन सोमवार को आपका विधायक आपके द्वार कार्यक्रम के तहत गंगथ पंचायत घर पहुंचे। जहां विधायक मलेंद्र राजन ने ग्रामीणों से सीधा संवाद स्थापित किया। कार्यक्रम के दौरान लोगों ने अपने क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं, विकास संबंधी मांगों तथा विभागीय मामलों से जुड़ी शिकायतों को विधायक के समक्ष रखा। विधायक ने सभी शिकायतों एवं मांगों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागों को मौके पर ही समाधान हेतु निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य जनता तक सीधे पहुंचकर उनकी समस्याओं का निवारण करना है, और इसी उद्देश्य से आपका विधायक आपके द्वार अभियान को निरंतर रूप से चलाया जा रहा है। इस अवसर पर अपने संबोधन में मलेन्द्र राजन ने कहा कि जनता का विश्वास और सहयोग ही उन्हें क्षेत्र के विकास के लिए निरंतर प्रेरित करता है। उन्होंने आश्वासन दिया कि क्षेत्र की हर समस्या को प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाएगा और सभी विकास कार्य समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएंगे। कार्यक्रम के दौरान विधायक मलेन्द्र राजन ने गंगथ पंचायत में लगभग 11.75 लाख रुपये की लागत से होने वाले विभिन्न विकास कार्यों का शिलान्यास किया।। कार्यक्रम के दौरान पंचायत प्रधान सुरेन्द्र भल्ला, वार्ड सदस्य राजीव चौधरी, अजय कुमार ब्राह्मण कल्याण बोर्ड के सदस्य सुरेन्द्र शर्मा, कांग्रेस कार्यकर्ता नरेश शर्मा, अस्लम खान, राकेश शर्मा, सुभाष सेठी, साहिल सेठी, हरबंस धीमान, महिला मंडल प्रधान रशीदा बेगम, बीडीओ सुदर्शन सिंह, नायब तहसीलदार प्रवेश शर्मा, एसडीओ जल शक्ति राजिंदर सनोरिया, एसडीओ लोक निर्माण हरीश ठाकुर, एसडीओ बिजली विभाग वीरेन्द्र, बीएमओ नूरपुर दिलबर सिंह, कानूनगो सुभाष सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, अधिकारी व सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
धर्मशाला स्थित केंद्रीय विश्वविद्यालय हिमाचल प्रदेश में 21–23 नवंबर 2025 के बीच आयोजित 16वीं ITHC अंतरराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस के समापन समारोह की अध्यक्षता प्रो. डॉ. सत प्रकाश बंसल ने की। सम्मेलन का विषय “सतत पर्यटन और कल्याण: हरित भविष्य का मार्ग” रहा। अपने संबोधन में प्रो. बंसल ने 21वीं सदी में भारत के तेज़ उभार पर प्रकाश डाला और बताया कि हाल के G20 शिखर सम्मेलन तथा जोहान्सबर्ग में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भव्य स्वागत ने विश्व मंच पर भारत की बढ़ती प्रतिष्ठा को स्पष्ट कर दिया है। उन्होंने कहा कि भारत की यह सफलता हमारी भारतीय ज्ञान परंपरा पर आधारित है, जो आज विश्व को नेतृत्व दे रही है। सम्मेलन में कई विशेषज्ञों ने महत्वपूर्ण विचार रखे। यूनाइटेड किंगडम की सुंडरलैंड यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर ब्रेमपोटन ने कहा कि अब समय आ गया है कि हम व्यक्तिगत और संस्थागत स्तर पर सतत पर्यटन को व्यवहार में उतारें। इसी प्रकार, हरियाणा स्किल यूनिवर्सिटी के प्रो. दिनेश कुमार ने पर्यटन और आतिथ्य उद्योग में वैश्विक स्तर पर अपनाई जा रही अच्छी प्रथाओं को भारत में लागू करने का आह्वान किया। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के प्रो. काबिया ने चेतावनी दी कि अनियंत्रित भीड़भाड़ और अत्यधिक पर्यटन हमारे प्राकृतिक संसाधनों और सांस्कृतिक पहचान को नुकसान पहुँचा रहा है चाहे वह तटीय मैंग्रोव हों या हिमालय की ऊँची पर्वत श्रृंखलाएँ। उन्होंने जिम्मेदार और पुनर्जीवित करने वाले (regenerative) पर्यटन को अपनाने पर बल दिया, ताकि “स्वर्ण हंस” जैसी हमारी अमूल्य विरासत सुरक्षित रह सके। सम्मेलन में पूर्व शहरी विकास मंत्री सुधीर शर्मा की उपस्थिति विशेष आकर्षण रही। उन्होंने हिमालयी क्षेत्र की नाज़ुकता को ध्यान में रखते हुए कहा कि पहाड़ों ने सदियों तक पारंपरिक ज्ञान के आधार पर संतुलन बनाए रखा। आधुनिक विकास मॉडल की “कट-कॉपी-पेस्ट” पद्धति ने इस संतुलन को तोड़ा है। उन्होंने स्पष्ट संदेश दिया कि हमें फिर से अपनी परंपरागत ज्ञान प्रणाली की ओर लौटना होगा, तभी आने वाली पीढ़ियों को सुरक्षित वातावरण मिल पाएगा। सम्मेलन का एक अनूठा और महत्वपूर्ण हिस्सा रहा बोह वैली में ऑफ-ट्रैक अकादमिक सत्र और खब्रू जलप्रपात तक ट्रेक आधारित सत्र, जिसका नेतृत्व प्रो. बंसल, डॉ. सुनीता बंसल और प्रो. दिनेश कुमार ने किया। इसमें विश्वविद्यालय के छात्र, शोधार्थी और प्रोफेसर भी शामिल रहे। अगले दिन प्रतिभागी धर्मशाला लौटे और हावर्ड यूनिवर्सिटी, वॉशिंगटन डी.सी. के साथ एक विशेष हाइब्रिड सत्र आयोजित हुआ, जिसमें केंद्रीय विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार प्रो. नरेंद्र संख्यान, प्रो. कुलश्रेष्ठ, प्रो. लवकुश मिश्रा, प्रो. सुमन शर्मा, प्रो. नाग, प्रो. काबिया सहित कई विद्वान उपस्थित रहे।
प्रदेश मीडिया सह-प्रभारी एडवोकेट विश्व चक्षु ने सुक्खू सरकार पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि पंचायत और नगर निकाय चुनावों को लेकर पूरा सिस्टम तैयार है। इलेक्शन कमिशन अपनी ओर से पूरी तैयारी कर चुका है, विभागीय मंत्री व अधिकारी चुनाव प्रक्रिया शुरू करने की हरी झंडी दे चुके हैं, और प्रशासनिक स्तर पर भी कोई तकनीकी अड़चन नहीं बची है। इसके बावजूद मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू चुनाव टालने के लिए हर संभव कोशिश कर रहे हैं। विश्व चक्षु ने कहा कि जनता के बीच कांग्रेस सरकार के प्रति असंतोष इतना बढ़ चुका है कि सत्ताधारी पार्टी चुनाव का सामना करने से घबरा रही है। उन्होंने सवाल उठाया जब इलेक्शन कमीशन तैयार है, विभाग तैयार हैं, अधिकारी तैयार हैं तो आखिर सुक्खू सरकार किस डर से चुनाव लटकाने पर उतारू है? कौन-सी राजनीतिक सौगात या कौन-सा छुपा एजेंडा है जिसके लिए लोकतांत्रिक प्रक्रिया रोकी जा रही है? विश्व चक्षु ने आरोप लगाया कि सरकार का दबाव इतना बढ़ गया है कि कुछ जिलाधीश भी अब राजनीतिक भाषा बोलने लगे हैं। यह स्थिति प्रशासनिक स्वतंत्रता पर सीधा हमला है और लोकतंत्र के लिए बेहद खतरनाक संकेत है। उन्होंने कहा कि चुनाव रोककर कांग्रेस जनता के गुस्से को शांत नहीं कर सकती। उल्टा देरी और दबाव की राजनीति जनता को और अधिक आक्रोशित कर रही है।
पीएम श्री बाबा कांशीराम राजकीय उत्कृष्ट वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला डाडा सीबा में चल रहे सात दिवसीय एनएसएस शिविर का समापन समारोह रविवार को आयोजित किया गया। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य पवन शर्मा ने शिरकत की। विद्यालय में पहुँचने पर विद्यार्थियों और स्टाफ द्वारा मुख्य अतिथि का गर्मजोशी से स्वागत किया गया तथा उन्हें स्मृति चिन्ह भेंटकर सम्मानित किया गया। अपने संबोधन में पवन शर्मा ने कहा कि “शिक्षा अनमोल है; शिक्षा के बिना विद्यार्थी का जीवन अधूरा है। विद्यार्थी के जीवन में शिक्षा ही वह हथियार है, जिससे वह उन्नति की मंज़िलें तय कर सकता है।” विद्यालय के प्रधानाचार्य सुदर्शन कुमार ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि समापन समारोह में बच्चों ने विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। एनएसएस शिविर के प्रभारी अश्वनी सपेहिया ने बताया कि शिविर में कुल 55 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। सात दिनों के दौरान प्रतिभागियों ने राधा-कृष्ण मंदिर, मुख्य बाजार, तालाब और मार्गों की सफाई अभियान चलाया, सिविल अस्पताल में स्वच्छता कार्य किए तथा विद्यालय परिसर को सुंदर बनाकर प्रस्तुत किया। इस अवसर पर एनएसएस प्रभारी अश्वनी सपेहिया, पी.ओ. मैडम देवना कुमारी, एसएमसी प्रधान अजय कुमार, समिति सदस्य तथा विद्यालय का समस्त स्टाफ उपस्थित रहा।
विकास खंड प्रागपुर क्षेत्र के दुकानदारों के लिए बड़ी खबर है। खंड विकास अधिकारी प्रागपुर अशोक कुमार ने जानकारी देते हुए कहा है कि सरकार ने तंबाकू उत्पादों की खुली बिक्री पर सख्त प्रतिबंध लागू कर दिया है। उन्होंने बताया कि अब कोई भी दुकानदार तंबाकू से संबंधित उत्पाद तभी बेच सकेगा, जब उसके पास मान्य तंबाकू उत्पाद विक्रेता लाइसेंस होगा। अशोक कुमार ने क्षेत्र के सभी दुकानदारों से अपील की है कि वे तंबाकू उत्पादों की बिक्री शुरू करने से पहले अपना लाइसेंस अवश्य सुनिश्चित करें। इसके लिए दुकानदारों को संबंधित पंचायत सचिव के समक्ष ₹500 शुल्क के साथ शपथ पत्र 29 नवंबर तक जमा करवाना होगा। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि अंतिम तिथि के बाद यदि कोई दुकानदार बिना लाइसेंस तंबाकू उत्पाद बेचते हुए पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और नियमों के अनुरूप दंड भी लगाया जाएगा। प्रशासन ने दुकानदारों से नियमों का पालन करने और अवैध बिक्री से बचने की अपील की है, ताकि क्षेत्र में अनुशासन और स्वास्थ्य संबंधी मानकों का पालन सुनिश्चित हो सकें।
डाडासीबा क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दिशा में शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण अध्याय जुड़ा। यहाँ पंजाब नेशनल बैंक के समीप तलवाड़ा रोड़ पर श्री छिन्नमस्तिका ग्रुप ऑफ आई केयर सेंटर्स ने अपनी तीसरी शाखा का विधिवत शुभारंभ किया। इस उद्घाटन समारोह में सेवानिवृत्त अध्यापक देवदत्त लठ और टी.आर. डोगरा ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। मुख्य अतिथियों ने रिबन काटकर सेंटर का औपचारिक उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि अक्सर ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को आँखों के बेहतर इलाज के लिए दूर जाना पड़ता था लेकिन अब यह सुविधा उनके घर के नजदीक ही उपलब्ध होगी। सेंटर अत्याधुनिक मशीनों से सुसज्जित है जिसमें आँखों की कंप्यूटराइज्ड जांच और चश्मा बनाने के लिए आधुनिक ऑटोएजर मशीन की सुविधा भी शामिल है। शुभारंभ के विशेष अवसर पर सेंटर में शुक्रवार और शनिवार विशेष शिविर का आयोजन किया गया है। इन दो दिनों के दौरान स्वामी पिंडी दास चैरिटेबल अस्पताल अम्ब के वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञ (सीनियर ऑप्थल्मिक ऑफिसर) द्वारा मरीजों की आँखों की नि:शुल्क जांच की जा रही है। साथ ही शुभारंभ के मौके पर विशेष छूट के तहत ब्रांडेड व नॉन-ब्रांडेड फ्रेम, गॉगल्स व चश्मे उचित दरों पर उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। डॉ मोहित ने क्षेत्रवासियों से अपील की है कि वे अपनी आँखों के स्वास्थ्य के प्रति सजग रहें और सेंटर में मौजूद सुविधाओं का लाभ उठाएं। इस मौके पर स्वामी पिंडी दास चैरिटेबल आई अस्पताल एवं ट्रस्ट के चेयरमैन बिन्दु सार सूद तथा ट्रस्ट के अन्य सदस्यों ने भी विशेष रूप से शिरकत की।
उपमंडल ज्वालामुखी के तहत गांव महाड़ के रहने वाले बलकार सिंह पिछले तीन दिनों से लापता थे। परिवार के सदस्यों ने पुलिस चौकी लगडू में बलकार सिंह के लापता होने की सूचना दर्ज करवाई थी जिसके चलते पुलिस चौकी लगडू व पुलिस थाना खुंडियां की टीम ने पिछले दो दिन से सर्च अभियान चलाया हुआ था जिसमें पुलिस टीम ने लापता बलकार सिंह को ढूंढने के लिए डॉग स्क्वायड को भी बुलाया था। उक्त व्यक्ति का शव नाहली नामक स्थान पर पड़ा मिला। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर उक्त व्यक्ति के शव को कब्जे में लिया तथा वहां मौजूद लोगों के बयान कलमबद्ध किए। उपमंडलीय पुलिस अधिकारी ज्वालामुखी आरती जसवाल ने बताया कि यशपाल उर्फ बलकार सिंह 18 नवंबर से घर से लापता था इसकी आयु 45 साल थी। इसकी सूचना पुलिस चौकी लगडू को दी गई थी साथ में पुलिस थाना खुंडियां की टीम ने सहयोग किया तथा वीरवार 20 नवंबर को सुबह लगभग साढ़े दस बजे उक्त व्यक्ति का शव घर से लगभग तीन किलोमीटर दूर मृत अवस्था में मिला है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए देहरा भेज दिया गया है तथा आगामी कार्रवाई जारी रखी जाएगी।
बुधवार को राजकीय आर्य डिग्री कॉलेज, नूरपुर के आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ द्वारा आयोजित भारतीय ज्ञान प्रणालियों पर राष्ट्रीय संगोष्ठी श्रृंखला में, मुख्य वक्ता, अमित शर्मा (भारतीय वन सेवा अधिकारी) ने "जैव विविधता और भारतीय ज्ञान प्रणाली" पर एक व्याख्यान दिया। कार्यक्रम में कुल 85 छात्रों ने भाग लिया। डॉ. राकेश कुमार, सह आचार्य वनस्पति विज्ञान व समन्वयक आई. क्यू.ए.सी. ने सभी प्रतिभागियों का स्वागत किया। मुख्य वक्ता ने कहा कि हिमाचल प्रदेश राज्य विविध परिदृश्य से संपन्न है जो वनस्पतियों और जीवों की समृद्ध विविधता का समर्थन करता है। उन्होंने भारत में वन संसाधनों का एक महत्वपूर्ण विश्लेषण प्रदान किया। उन्होंने नूरपुर उपखंड पर विशेष जोर देते हुए हिमाचल प्रदेश में वन विविधता के बारे में बात की और प्रतिभागियों को इसे संरक्षित करने के लिए प्रोत्साहित किया। कॉलेज प्राचार्य डॉ. अनिल कुमार ठाकुर ने जैव विविधता की मानव संपदा के लिए सेवाओं पर प्रकाश डाला और छात्रों को प्रेरित करने के लिए वक्ता का धन्यवाद किया। साथ ही, इस वनस्पति और जीव-जंतु विविधता के संरक्षण और संवर्धन हेतु, नूरपुर क्षेत्र की स्थानीय पादप प्रजातियों और वन विभाग द्वारा सर्वेक्षण के दौरान पहचाने गए पक्षियों के विवरण वाले ब्रोशर छात्रों को प्रदान किए गए, जिसका उद्देश्य इन प्रजातियों के बारे में जागरूकता बढ़ाना और पारिस्थितिकी तंत्र सेवाएँ प्रदान करने में उनके महत्व को बढ़ाना है। इस अवसर पर प्राणी विज्ञान के सह आचार्य डॉ. दिलजीत सिंह, भूगोल के सहायक आचार्य डॉ. सत्य प्रकाश, अर्थशास्त्र की सहायक आचार्या सुश्री पर्ल बख्शी और रसायन विज्ञान के सहायक आचार्य डॉ. मनोज कुमार उपस्थित थे।
देहरा विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता होशियार सिंह ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि “जब रोम जल रहा था, तब नीरो बाँसुरी बजा रहा था” कांग्रेस सरकार का मौजूदा रवैया इसी कहावत को चरितार्थ कर रहा है। होशियार सिंह ने आरोप लगाया कि पिछले तीन वर्षों में प्रदेश दो भयंकर प्राकृतिक आपदाओं से जूझ चुका है, जिससे पूरे प्रदेश की आर्थिक स्थिति चरमरा गई है, लेकिन इसके बावजूद सत्तारूढ़ सरकार अपने तीन वर्ष पूरे होने का जश्न मनाने में व्यस्त है। उन्होंने कहा कि आपदा प्रभावित परिवार सरकार की संवेदनहीनता के कारण स्वयं को लाचार महसूस कर रहे हैं, वहीं उनके आशियाने तबाह होने के बावजूद मुख्यमंत्री, उनके मंत्री और विधायक उत्सव और मेलों में मशगूल हैं। भाजपा नेता ने कहा कि सत्ता का दुरुपयोग कर सरकारी खजाने को मनोरंजन पर खर्च करने वाली कांग्रेस सरकार प्रदेश की जनता पर राजनीतिक बोझ साबित हो रही है। उनके अनुसार, वर्तमान सरकार की जनविरोधी नीतियों से हर वर्ग त्रस्त है। व्यवस्था परिवर्तन के नाम पर किए गए वादों ने प्रदेश की आर्थिक नीतियों को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार द्वारा कर्ज पर निर्भर आर्थिक रणनीति ने प्रदेश को कंगाली की कगार पर ला खड़ा किया है। सरकारी कर्मचारियों में अपने भविष्य को लेकर गहरी चिंता है, जबकि पढ़े-लिखे युवाओं की स्थाई सरकारी नौकरी की उम्मीदें भी सरकार की नीतियों के कारण टूट चुकी हैं। बेरोजगारी प्रदेश में अपने चरम पर है। होशियार सिंह ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने 10 गारंटियों के नाम पर जनता को भ्रमित कर सत्ता हासिल की, लेकिन तीन साल बाद भी कोई गारंटी पूरी नहीं हुई। विशेष रूप से 18 वर्ष से अधिक आयु की महिलाओं को इंदिरा गांधी प्यारी बहना सुख सम्मान निधि योजना के तहत प्रतिमाह ₹1,500 देने का वादा पूरी तरह अधूरा रह गया है। भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि जनता को झूठे वादों के सहारे बहकाने वाली सुक्खू सरकार अब अपने वादों से पीछे हट गई है, जिससे जनता में व्यापक रोष व्याप्त है।
उपमंडल नूरपुर स्थित युथ अगेंस्ट ड्रग और गैरी केयर संस्था बोड़ द्वारा युवाओं में बढ़ते नशे के प्रचलन के विरोध में 22 नवंबर को एक प्रदेश स्तरीय ओपन मैराथन आयोजित की जा रही है। यह मैराथन बोड़ काली माता मंदिर से शुरू होकर ओंद स्थित हनुमान मंदिर तक आयोजित होगी। पत्रकार वार्ता के दौरान युथ अगेंस्ट ड्रग संस्था के अध्यक्ष रवि मेहरा ने बताया कि यह दौड़ सुबह 8 बजे प्रारंभ होगी और कुल सात किलोमीटर के ट्रैक पर संपन्न होगी। उन्होंने बताया कि मैराथन में विजेताओं के लिए आकर्षक इनाम रखे गए हैं प्रथम विजेता: ₹15,000, उपविजेता: ₹10,000, चौथा स्थान: ₹5,100, पाँचवाँ स्थान: ₹2,100, छठा स्थान: ₹1,100, सातवें से दसवें स्थान तक एक-एक हेलमेट और ₹500 नकद। मेहरा ने कहा कि मैराथन को लेकर युवाओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। संस्था समय-समय पर युवाओं को खेलों से जोड़ने और सामाजिक कार्यों में भागीदारी बढ़ाने के लिए सक्रिय रूप से कार्य करती रही है। साथ ही, नशा मुक्ति अभियान में सरकार और प्रशासन के प्रयासों के साथ संस्था भी अपनी महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। इस अवसर पर संस्था के चेयरमैन मनदीप महाजन, सचिव प्रिंस, अभिनव, तथा गैरी केयर संस्था के अध्यक्ष अंकित वर्मा भी मौजूद रहे।
सोमवार को एसडीएम कार्यालय देहरा में एसडीएम कुलवंत सिंह पोतन की अध्यक्षता में टीबी फ़ोरम की बैठक आयोजित की गई। बैठक के दौरान डाडासीबा क्षेत्र की 18 टीबी-मुक्त पंचायतों को सम्मानित किया गया। इनमें से 9 ग्राम पंचायतें बसी, चापलाह गुडारा, डाडासीबा, दोदु राजपूतां, सर्द डोगरी, शांतला, सियोल, सुनहेत और कस्बा कोटला को लगातार दो वर्ष टीबी-मुक्त पंचायत घोषित होने पर सिल्वर स्मृति चिह्न प्रदान किया गया। वहीं, 9 अन्य ग्राम पंचायतों अलो, भरौली जदीद, धीजाग, कौलापुर, कुहना, नाहन नागरोता, नियार, पिरसलुही और अपर बलवाल को एक बार टीबी-मुक्त पंचायत घोषित होने पर ब्रॉन्ज स्मृति चिह्न से सम्मानित किया गया। बैठक में बीएमओ डाडासीबा, बीएमओ देहरा, एसएमओ डाडासीबा, बीडीओ प्रागपुर, बीईईओ डाडासीबा, एसडीएएमओ, जिला परिषद सदस्य एवं टीबी चैंपियंस भी उपस्थित रहे। इस अवसर पर एसडीएम कुलवंत सिंह पोतन ने पंचायत प्रधानों से अपने-अपने क्षेत्रों में अधिक से अधिक लोगों को टीबी जांच के लिए प्रेरित करने का आग्रह किया। साथ ही उन्होंने बढ़ते नशे और उससे छुटकारा पाने के उपायों पर भी सभा को संबोधित किया। बैठक में बीएमओ डाडासीबा डॉ. सतीश फोतेदार ने बढ़ते टीबी मामलों, उसके लक्षणों, रोकथाम, निक्षय पोषण किट्स तथा सरकार द्वारा संचालित टीबी-मुक्त भारत अभियान, टीबी-मुक्त पंचायत और तंबाकू-मुक्त पंचायत की अवधारणा पर विस्तार से जानकारी दी।
हिमालय जैवसंपदा प्रौद्योगिकी संस्थान, पालमपुर (हि.प्र.) ने इंडिया इंटरनेशनल साइन्स फेस्टिवल (आई.आई.एस.एफ)-2025 के कर्टेन रेज़र कार्यक्रम का आयोजन संस्थान परिसर में बड़े उत्साह के साथ किया। संस्थान के निदेशक डॉ. सुदेश कुमार यादव ने प्रतिभागियों का स्वागत किया, जिनमें आसपास के क्षेत्रों के स्कूल और कॉलेजों के छात्र भी शामिल थे। उन्होंने बताया कि आई.आई.एस.एफ -2025 का आयोजन 6 से 9 दिसंबर 2025 तक पंजाब विश्वविद्यालय, चंडीगढ़ में किया जाएगा तथा इसका उद्देश्य विज्ञान को उत्सव के रूप में मनाना है, जो जिज्ञासा और सीखने को बढ़ावा देता है। डॉ. यादव ने छात्रों को इस राष्ट्रीयआयोजन में सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय, शिमला के भौतिकी विभाग के प्रोफेसर डॉ. शशि धीमान थे। उन्होंने भारत के वैज्ञानिक इतिहास और उसकी वर्तमान प्रासंगिकता पर प्रकाश डाला। डॉ. धीमान ने इस वर्ष के आई.आई.एस.एफ विषय “विज्ञान से समृद्धि: आत्मनिर्भर भारत के लिए” पर विस्तार से चर्चा की और सभी से वैश्विक कल्याण हेतु आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान आई.आई.एस.एफ में प्रस्तावित गतिविधियों, प्रदर्शनियों और प्रमुख आकर्षणों की जानकारी साझा की गई। छात्रों ने संस्थान का भ्रमण किया और वैज्ञानिकों के साथ संवाद कर विज्ञान की दुनिया को करीब से जाना। लगभग 300 विद्यार्थी इस कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
ज्वालामुखी रेंज के गुम्मर–जंगल क्षेत्र में नियमित गश्त के दौरान वन विभाग की टीम ने अवैध खैर कटान का बड़ा मामला पकड़ा है। वन खंड अधिकारी पविंदर कुमार, वन रक्षक दीपक कुमार और वन मित्र आदर्श धनोटिया गश्त पर थे, तभी कोके रोड़ पर एक संदिग्ध टेम्पो (नं. HP 72A 6555) को रोका गया। जांच के दौरान टेम्पो में चालक अशोक कुमार के साथ दिलबाग, अंशुल और अक्षय जसवाल (सभी निवासी सलीहार) मौजूद पाए गए। तलाशी में वाहन से सफेद पॉलीथिन में छिपाए 8 खैर के हरे मोछे और 2 कटर बरामद किए गए। पूछताछ में सभी आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने ये मोछे चक्बन–कालीधर जंगल (गुम्मर बीट) से अवैध रूप से काटे हैं। वन विभाग ने मामले में तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपियों के विरुद्ध प्रचलित नियमों एवं अधिनियमों के तहत प्राथमिक सूचना रिपोर्ट (FIR) दर्ज करवा दी है। आर.एफ़.ओ. ईशानी ने कहा कि ऐसे अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। वन मंडल अधिकारी देहरा सन्नी वर्मा के निर्देश पर ज्वालामुखी रेंज में दिन–रात पेट्रोलिंग और नाके स्थापित किए जा रहे हैं, ताकि अवैध कटान पर सख्त रोक लगाई जा सके। विभाग ने दोहराया है कि भविष्य में भी वन माफियाओं के खिलाफ सख्त और निरंतर कार्रवाई जारी रहेगी।
जीवनसाथी ज़रूरी है… लेकिन भरोसे के रिश्ते में अगर धोखा छिपा हो तो क्या किया जाए? हिमाचल प्रदेश में शादी के नाम पर ठगी का ऐसा गिरोह सामने आया है, जिसने कई परिवारों की खुशियाँ छीन लीं… हिमाचल प्रदेश में महिलाओं का एक ऐसा गिरोह सक्रिय हो गया है, जो शादी के नाम पर लोगों को ठग रहा है। ताज़ा मामला कांगड़ा और मंडी ज़िलों से सामने आया है, जहाँ लुधियाना की पाँच महिलाओं ने हिमाचल के युवकों से शादी की और फिर जेवरात लेकर फरार हो गईं। जानकारी के अनुसार, इन महिलाओं ने पहले मैरिज ब्यूरो के माध्यम से हिमाचल के व्यक्तियों से शादी की। शादी के बाद कुछ दिनों तक सब सामान्य चलता रहा, लेकिन मौका मिलते ही महिलाएँ कीमती गहने और नकदी लेकर रफूचक्कर हो गईं। एक मामला तो ऐसा भी सामने आया है जहाँ महिला ने पूरे 25 दिन तक शादीशुदा जीवन निभाया, ताकि घरवालों का भरोसा पूरी तरह जीत सके और फिर अचानक जेवर लेकर गायब हो गई। इसके बाद पीड़ितों ने मैरिज ब्यूरो के संचालक से संपर्क किया। मैरिज ब्यूरो के मालिक ने भी सहयोग दिखाते हुए पुलिस की मदद की, जिसके चलते पाँचों महिलाओं को पकड़ लिया गया। हालाँकि पीड़ित परिवारों का दावा है कि यह गिरोह सिर्फ पाँच महिलाओं तक सीमित नहीं है इसमें और भी कई सदस्य जुड़े हुए हैं। आज तड़के पीड़ित परिवार न्याय की गुहार लेकर थाना नगरोटा बगवां पहुँचे। उनका कहना है कि यह संगठित गिरोह कई राज्यों में सक्रिय है और भोले-भाले लोगों को शादी के झांसे में फँसाकर लाखों की ठगी कर रहा है। फिलहाल पुलिस मामले की जाँच में जुटी है। लेकिन इस घटना ने मैरिज ब्यूरो के माध्यम से होने वाली शादियों पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।
इंदौरा विधानसभा क्षेत्र के विधायक मलेन्द्र राजन ने आज ग्राम पंचायत माजरा और मलकाना में “विधायक आपके द्वार” कार्यक्रम के तहत लोगों की समस्याएँ सुनीं तथा संबंधित विभागों के अधिकारियों को उनके समयबद्ध समाधान के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। इस अवसर पर अपने संबोधन में विधायक मलेन्द्र राजन ने बताया कि माजरा का मुख्य मार्ग, जो पठानकोट एवं अन्य क्षेत्रों को जोड़ता था, गत वर्ष बरसात के दौरान आई बाढ़ में क्षतिग्रस्त हो गया था। उन्होंने कहा कि अब इस मार्ग को लोगों और वाहनों की आवाजाही के लिए बहाल कर दिया गया है। विधायक ने जानकारी दी कि 50 लाख रुपये की लागत से इस मार्ग के प्रोटेक्शन कार्य को शीघ्र आरंभ किया जाएगा, जिसके लिए लोक निर्माण विभाग द्वारा टेंडर प्रक्रिया पूर्ण कर ली गई है। साथ ही, 22.70 करोड़ रुपये की लागत से सड़क के पुनर्निर्माण हेतु डीपीआर तैयार कर सरकार को भेजी गई है, जिसे शीघ्र स्वीकृत कर निर्माण कार्य प्रारंभ किया जाएगा। मलेन्द्र राजन ने कहा कि डमटाल को माजरा से जोड़ने के लिए एक पुल का प्रस्ताव भी तैयार किया जा रहा है, जिससे क्षेत्र के लोगों को सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी। उन्होंने बताया कि मलकाना पंचायत में पेयजल आपूर्ति को सुदृढ़ करने के लिए एक नई योजना तैयार की गई है, जिसका निर्माण कार्य पूर्ण होते ही उद्घाटन किया जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि बिजली समस्या के समाधान हेतु एक नया ट्रांसफार्मर स्थापित किया गया है। वहीं, मिलवां से बरोटा सड़क का निर्माण कार्य 20 करोड़ रुपये की लागत से किया जा रहा है, जो क्षेत्र की एक प्रमुख मांग रही है। इसके अतिरिक्त, त्योड़ा पत्तन पुल की डीपीआर 14 करोड़ रुपये की लागत से तैयार कर सरकार को भेजी गई है, जिससे क्षेत्रवासियों को बेहतर आवागमन सुविधा मिलेगी।विधायक ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में प्रदेश सरकार ग्रामीण क्षेत्रों की समस्याओं के त्वरित समाधान और विकास कार्यों को प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने कहा कि जनता से सीधा संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं को मौके पर ही सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है। कार्यक्रम में एसडीएम डॉ. सुरेंद्र ठाकुर, एसई लोक निर्माण विभाग मोहिंदर पाल धीमान, एक्सईएन दीपक महाजन, डीएसपी संजीव कुमार, तहसीलदार अमनदीप सिंह, एक्सईएन विद्युत बोर्ड संदीप सन्याल, एसडीओ आईपीएच अनिल ठाकुर, माजरा उपप्रधान तिलक, पोंग बांध सलाहकार समिति के निदेशक कुलदीप शर्मा, पूर्व जिलाध्यक्ष रणजीत पठानिया, व्यापार कल्याण बोर्ड के सदस्य गगनदीप, रिंकू सहोत्रा, वार्ड सदस्य साहिल, रोमी, मलकाना प्रधान नरेंद्र कौर, ओबीसी सेल के अध्यक्ष केवल, उपप्रधान ठाकुरद्वारा राणा प्रताप, उपप्रधान बसंतपुर जोगिंदर सिंह, पूर्व प्रधान सीता देवी, तारा चंद, क्रशर उद्योग से जुड़े प्रतिनिधि तथा स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
दिनांक 6 नवम्बर से 7 नवम्बर तक आयोजित राज्यस्तरीय शतरंज प्रतियोगिता में लौरिएर ग्लोबल स्कूल की छात्रा डोयल रियालच ने अंडर-14 वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त कर राष्ट्रीय शतरंज प्रतियोगिता के लिए अपना स्थान सुनिश्चित किया। आगामी राष्ट्रीय शतरंज प्रतियोगिता 10 दिसंबर को आयोजित की जाएगी, जिसमें डोयल रियालच अपनी टीम के साथ हिमाचल प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेंगी। छात्रा की इस शानदार उपलब्धि पर स्कूल के प्रबंध निदेशक डा. रण सिंह, कैम्पस डायरेक्टर डा. एम. एस. आशावत तथा प्रधानाचार्या डा. अंकिता शर्मा ने डोयल रियालच और उनके अभिभावकों को हार्दिक बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
राज्य विधानसभा सचिवालय ने सत्र की तैयारियां तेज कर दी हैं। धर्मशाला के तपोवन में 26 नवंबर से शुरू होने जा रहे विधानसभा के शीत सत्र में इस बार प्राकृतिक आपदा, सड़कों, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाएं और कर्मचारियों की मांगों से जुड़े विषय प्रमुख हैं। सत्र के लिए बुधवार तक राज्य विधानसभा सचिवालय को 300 से अधिक सवाल मिल गए हैं। आने वाले दिनों में सवालों की संख्या और बढ़ने की संभावना है। यह प्रश्न विधानसभा सचिवालय को विधायक 19 दिसंबर तक भेजे पाएंगे। शीत सत्र का समापन पांच दिसंबर को होगा। इस बार भी विपक्षी भाजपा जहां आक्रामक रुख में होगी, वहीं सत्ता पक्ष भी हमलावर रहेगा। राज्य विधानसभा सचिवालय ने विभिन्न विभागों को स्पष्ट किया है कि सवालों के जवाब समय पर तैयार करें, जिससे सत्र के दौरान मंत्री सटीक और पूर्ण जानकारी सदन के पटल पर रख सकें। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू सत्र के दौरान आपदा राहत कार्यों पर भी सदन में वक्तव्य देंगे। इस वर्ष बरसात के दौरान राज्य के कई जिलों में प्राकृतिक आपदा आई, जिससे सैकड़ों सड़कें और पुल क्षतिग्रस्त हुए। जलापूर्ति योजनाएं ठप हो गईं और हजारों लोग विस्थापित हुए। सत्र में इन मुद्दों पर व्यापक चर्चा होने की संभावना है। विधायकों की ओर से प्रभावित क्षेत्रों के पुनर्निर्माण और राहत पैकेज के वितरण में पारदर्शिता को लेकर भी विपक्ष द्वारा प्रश्न उठाए जाएंगे। यह आठ बैठकों वाला अब तक का सबसे लंबा शीत सत्र है। कांग्रेस सरकार जहां अपने तीन वर्षों के कार्यकाल की उपलब्धियों को सामने रखने की तैयारी में है, वहीं भाजपा सरकार को हर मोर्चे पर घेरने का प्रयास करेगी। तपोवन स्थित विधानसभा परिसर में सुरक्षा और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर भी प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
भारतीय जनता पार्टी जसवां-परागपुर मंडल ने लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के कोटला बेहड़ उपमंडल के लिए भवन का निर्माण न हो पाने पर गहरी नाराज़गी और खेद व्यक्त किया है। मंडल अध्यक्ष विनोद शर्मा और वीरेंद्र ठाकुर ने एक संयुक्त बयान में कहा कि गांव के समाजसेवी एवं दानी व्यक्ति रमेश शर्मा ने लाखों रुपये की कीमत की भूमि खरीदकर सरकार को मुफ्त में दान दी थी, ताकि उस भूमि पर पीडब्ल्यूडी उपमंडल का भवन बनाया जा सके। इस भवन का शिलान्यास तात्कालिक उद्योग मंत्री विक्रम सिंह ने किया था और भवन निर्माण के लिए धनराशि भी स्वीकृत करवाई गई थी। उन्होंने कहा कि आज तक इस भवन का निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया है। पार्टी पदाधिकारियों ने बताया कि पीडब्ल्यूडी सब-डिवीजन डाडासीबा के अंतर्गत लगभग 530 किलोमीटर लंबी सड़कें आती हैं, जिनका निरीक्षण करने के लिए सहायक अभियंता के पास विभागीय वाहन तक उपलब्ध नहीं है। यही स्थिति परागपुर उपमंडल के सहायक अभियंता की भी है। दोनों अधिकारियों को निरीक्षण के लिए निजी वाहनों या ठेकेदारों के वाहनों का सहारा लेना पड़ता है। उन्होंने कहा कि ऐसे में विभागीय कार्यों की निगरानी और जनता की समस्याओं का समाधान प्रभावी रूप से नहीं हो पा रहा है। दोनों मंडल अध्यक्षों ने लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह से आग्रह किया है कि जसवां-परागपुर की जनता अपने आप को उपेक्षित महसूस कर रही है। अतः जल्द कोटला बेहड़ में उपमंडल भवन का निर्माण कार्य आरंभ किया जाए और संबंधित अधिकारियों को विभागीय वाहन उपलब्ध करवाए जाएं।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बडोली कोहाला में कक्षा 11वीं और 12वीं की छात्राओं को राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के सौजन्य से एसडीएम ज्वालामुखी डॉ. संजीव शर्मा की उपस्थिति में ट्रैक सूट वितरित किए गए। यह कार्यक्रम विद्यालय प्रांगण में सौहार्दपूर्ण और उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। इस अवसर पर डॉ. शर्मा ने छात्राओं को खेलकूद और शारीरिक फिटनेस के महत्व पर प्रेरक संदेश दिए। उन्होंने छात्राओं से जीवन में अनुशासन, परिश्रम और सक्रियता बनाए रखने का आह्वान किया। विद्यालय के प्रधानाचार्य सुरेश ठाकुर ने एनएचएआई के अधिकारियों और डॉ. संजीव शर्मा का इस सराहनीय पहल के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयासों से छात्राओं में खेल भावना, आत्मविश्वास और टीम भावना को बढ़ावा मिलेगा। कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षकगण, छात्राएँ तथा एस.एम.सी. प्रधान उपस्थित रहे।
राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) नैहरनपुखर में युवाओं को एक बार फिर सुनहरा अवसर मिलने जा रहा है। आगामी 26 नवम्बर 2025 को सुजुकी मोटर गुजरात कंपनी के लिए लिखित परीक्षा एवं कैंपस इंटरव्यू आयोजित किया जाएगा। कंपनी के एचआर विभाग के अधिकारियों ने जानकारी दी कि इस भर्ती प्रक्रिया में एनसीवीटी या एससीवीटी से वर्ष 2016 से 2025 के बीच कम से कम 50% अंकों के साथ कोर्स पूरा करने वाले तथा 10वीं कक्षा में न्यूनतम 40% अंक प्राप्त करने वाले अभ्यर्थी भाग ले सकते हैं। इस इंटरव्यू में इलेक्ट्रिशियन, फिटर, वेल्डर, पेंटर जनरल, मोटर मैकेनिक, सीओई ऑटोमोबाइल, डीजल मैकेनिक, प्लास्टिक प्रोसेसिंग ऑपरेटर, टर्नर, मशीनिस्ट, ट्रैक्टर मैकेनिक, टूल एंड डाई मेकर, वायरमैन, शीट मेटल वर्कर तथा इलेक्ट्रॉनिक्स मैकेनिक में प्रशिक्षण ले चुके अभ्यर्थी भाग ले सकते है। अभ्यर्थियों की आयु 18 से 26 वर्ष के बीच होनी चाहिए। चयनित उम्मीदवारों को कंपनी द्वारा ₹25,300 मासिक वेतन, जबकि अप्रेंटिसशिप हेतु ₹19,500 मासिक मानदेय के साथ अन्य सुविधाएं भी प्रदान की जाएंगी। संस्थान के प्रधानाचार्य सुनील कुमार पटियाल ने बताया कि चयन प्रक्रिया में पहले लिखित परीक्षा होगी, जिसके बाद साक्षात्कार आयोजित किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि इस कैंपस इंटरव्यू में प्रदेश भर के सरकारी एवं निजी आईटीआई के छात्र भाग ले सकते हैं। इच्छुक उम्मीदवारों को 26 नवम्बर 2025 की सुबह 9 बजे अपने मूल प्रशिक्षण प्रमाणपत्र, शैक्षणिक प्रमाणपत्र, आधार कार्ड एवं पैन कार्ड की प्रतिलिपियों सहित आईटीआई नैहरनपुखर कैंपस में उपस्थित होना होगा। अधिक जानकारी के लिए अभ्यर्थी संस्थान की ट्रेनिंग एवं प्लेसमेंट अधिकारी नीलम रानी से दूरभाष 01970-292604 पर संपर्क कर सकते हैं।
कांगड़ा जिला के बैजनाथ में दो सरकारी बसों में आग लगाने के मामले में पुलिस ने एक 34 साल के व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने नशे में धुत होकर इन बसों में आग लगाई और दोनों बसें जलकर राख हो गई हैं। HRTC बस ड्राइवर ने पहले ही पुलिस पूछताछ में शक जाहिर किया था कि ये आग किसी ने जानबूझकर बसों में लगाई है। एसपी कांगड़ा अशोक रतन ने बताया कि कांगड़ा जिले के भरवाना गांव के निवासी सुशांत को तकनीकी साक्ष्य और CCTV फुटेज के आधार पर शनिवार को हिरासत में लिया गया हैं। एसपी ने बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने नशे में दो सरकारी बसों में आग लगाने की बात कबूल की है और जिसके चलते उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। एसपी ने बताया कि बैजनाथ पुलिस थाने में बीएनएस की धारा 326 (G) और सार्वजनिक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम, 1984 की धारा 4 के तहत मामला दर्ज किया गया है। घटना के पीछे आरोपी की मंशा का पता लगाने के लिए जांच जारी है। एचआरटीसी के उपाध्यक्ष अजय वर्मा ने अधिकारियों को बस स्टैंडों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और पार्किंग क्षेत्रों में नियमित रात्रि गश्त सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। स्थानीय विधायक किशोरी लाल ने कहा कि राज्य सरकार इस मामले को गंभीरता से ले रही है और उन्होंने आश्वासन दिया कि सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
डाडा सीबा जल शक्ति विभाग उपमंडल के शीतला गांव में तीन महीने से पानी की समस्या झेल रहे ग्रामीणों को राहत मिली हैं। जल शक्ति विभाग ने बिजली कटौती के कारण बंद पड़ी मोटरों को फिर से चालू कर सप्लाई बहाल कर दी है। ग्रामीणों ने बताया कि पिछले कई महीनों से विभाग को बार-बार शिकायत देने के बावजूद भी समस्या हल नहीं हुई थी। इससे रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना मुश्किल हो गया था। विभाग के अधिशाषी अभियंता प्यारे लाल ने कहा कि शीतला गांव की पानी की समस्या अभी हमारे संज्ञान में आई है, विभाग जल्द ही इसका स्थाई समाधान करेगा। विभाग की टीम मौके पर पहुंची और तुरंत सप्लाई सुचारु करने के प्रयास शुरू किए गए हैं। ग्रामीणों ने विभाग की ठोस कार्रवाई पर संतोष जताया है लेकिन वे मांग कर रहे हैं कि आने वाले समय में ऐसी समस्या दोबारा न हो। जल शक्ति विभाग ने आश्वासन दिया है कि सभी गलियों तक समान रूप से पानी पहुंचाने की योजना बनाई जा रही है।
इंदौरा विधानसभा क्षेत्र के विधायक मलेन्द्र राजन ने शुक्रवार को गांव टिब्बी और टांडा की हरिजन आबादी को पेयजल सुविधा उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से 65 लाख रुपये की लागत से निर्मित जलापूर्ति योजना का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर विधायक मलेंद्र राजन ने कहा कि राज्य सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल सुविधाओं के विस्तार के लिए प्रतिबद्ध है ताकि हर घर तक स्वच्छ पानी पहुंच सके। उन्होंने कहा कि इस योजना से अब टिब्बी और टांडा गांवों के लोगों को पेयजल की समस्या से स्थायी राहत मिलेगी। कार्यक्रम के दौरान विधायक ने क्षेत्रवासियों से संवाद कर उनकी विभिन्न समस्याएं भी सुनीं और संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य प्रत्येक गांव में मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाना है ताकि ग्रामीण जीवन स्तर में सुधार हो सके। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजना का रख-रखाव समय पर किया जाए ताकि लोगों को निरंतर स्वच्छ पेयजल उपलब्ध होता रहे। विधायक ने कहा कि सरकार ग्रामीण क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयासरत है और आने वाले समय में भी ऐसी योजनाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। इस अवसर पर जल शक्ति विभाग के एक्सईएन आनन्द बलोरिया, एसएचओ आशीष पठानिया, एसडीओ जल शक्ति विभाग अनिल ठाकुर, एसडीओ बिजली विभाग शंकर दयाल, राज्य रविदास कल्याण बोर्ड के सदस्य विजय कुमार, काठगढ़ पंचायत के उपप्रधान चेतन सिंह, महिला मंडल अध्यक्ष सुनीता कटोच, पूर्व उपप्रधान शेर अली, सुशीला मन्हास, पोंग डैम एडवाइजरी कमेटी के निदेशक कुलदीप शर्मा, बीडीसी सदस्य साबो बीबी, कांग्रेस कार्यकर्ता मंगत राम, रिंकू, सुरजीत कटोच, कर्ण, हरदीप सहित अनेक व्यक्ति उपस्थित रहे।
असंगठित कामगार एवं कर्मचारी कांग्रेस की जिला स्तरीय बैठक शुक्रवार को नूरपुर के विश्राम गृह में आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता जिला असंगठित कामगार एवं कर्मचारी कांग्रेस उपाध्यक्ष दीपक पुरी ने की। साथ ही प्रदेश चेयरमैन राजीव राणा ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। बैठक में संगठन को बूथ स्तर तक मज़बूत करने और असंगठित क्षेत्र के कामगारों की समस्याओं को प्रभावी रूप से सरकार तक पहुँचाने पर विस्तार से चर्चा हुई। राजीव राणा ने कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू की सरकार असंगठित वर्ग, मनरेगा कर्मियों और बेरोजगार युवाओं के कल्याण के लिए ऐतिहासिक कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि सुक्खू सरकार असंगठित कामगारों और युवाओं की सच्ची हमदर्द है, जिसने पहली बार Overseas Recruitment Drive योजना शुरू कर युवाओं को निशुल्क सरकारी खर्चे पर विदेशों में रोजगार दिलाने की पहल की है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा असंगठित मजदूरों के लिए सामाजिक सुरक्षा, पेंशन, स्वास्थ्य सहायता, गृह निर्माण सहायता और ई-श्रम कार्ड लाभ जैसी योजनाएँ संचालित की जा रही हैं। मनरेगा मजदूरों की मजदूरी बढ़ाना, महिला श्रमिकों को ब्याजमुक्त ऋण व प्रशिक्षण देना और लेबर कल्याण बोर्ड के माध्यम से सहायता राशि प्रदान करना इस सरकार की संवेदनशीलता का प्रमाण है। राणा ने कहा कि नूरपुर विधानसभा क्षेत्र में संगठन की पकड़ बेहद मज़बूत हो रही है, जहाँ युवाओं और मजदूर वर्ग का भरोसा लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने जिला टीम की सराहना करते हुए कहा कि के.के.सी. अब जनआवाज़ का सशक्त मंच बन चुकी है जो हर कामगार के हक़ की लड़ाई लड़ने के लिए प्रतिबद्ध है। बैठक में जिला सचिव अरूण सहोत्रा, ब्लॉक अध्यक्ष भूपेंद्र जमवाल, राज कुमार, विनय मेहरा, पंचायत स्तर सादिक खान, ममता देवी, पवन कुमार, सुरेंद्र महाजन, अजय कुमार, अनुराग मल्होत्रा, रवि शर्मा, आदि पदाधिकारियों ने भाग लिया और संगठन विस्तार की भावी रणनीति पर चर्चा की।
इंदौरा विधानसभा क्षेत्र के विधायक मलेंद्र राजन ने वीरवार को लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ विकास कार्यों की समीक्षा बैठक की। बैठक के दौरान उन्होंने क्षेत्र में चल रहे सड़क उन्नयन कार्यों, पुल निर्माण तथा अन्य परियोजनाओं की प्रगति की विस्तृत जानकारी प्राप्त की। विधायक मलेंद्र राजन ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी निर्माण कार्य गुणवत्ता मानकों के अनुरूप तथा निर्धारित समयसीमा में पूर्ण किए जाएं, ताकि आम जनता को शीघ्र सुविधा मिल सके। उन्होंने बताया कि विधानसभा क्षेत्र में करोड़ों रुपये की लागत से सड़कों के उन्नयन कार्य किए जा रहे हैं, जिनमें मिलवा से बरोटा, इंदौरा से काठगढ़, मकड़ोली से झंगराड़ा, घडरां से रैहन, गंगथ से घेटा तथा मंदोली टप्पा रोड़ जैसी प्रमुख सड़कों का उन्नयन कार्य शामिल है। उन्होंने अधिकारियों को इन सभी परियोजनाओं की गति और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि क्षेत्र के लोगों को बेहतर सड़क सुविधाएं उपलब्ध हो सकें। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार विकास की गति को गांव-गांव तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है और इंदौरा क्षेत्र में सड़कों के सुदृढ़ीकरण, पेयजल, शिक्षा तथा स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस अवसर पर एस.डी.एम. सुरेंद्र ठाकुर, डी.एस.पी. संजीव यादव, तहसीलदार अमनदीप, पीडब्ल्यूडी एसडीओ सिकंदर, हरीश ठाकुर तथा अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
तारापुरी बाजार में राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर शुक्रवार देर रात अज्ञात लोगों ने सड़क किनारे खड़ी दो बसों में आग लगा दी। घटना रात एक बजे के बाद की बताई जा रही है। गनीमत रही की करीब सवा एक बजे बैजनाथ के कुछ युवक एक गाड़ी में वहां से गुजर रहे थे, जिन्होंने जलती बसों को देखकर तुरंत अग्निशमन विभाग और पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग बैजनाथ की टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। अग्निशमन केंद्र के अधिकारी विजय ने बताया आग इतनी भयंकर थी कि यदि समय रहते नहीं बुझाई जाती, तो पास में खड़े अन्य वाहन, साथ लगते स्कूल भवन और दर्जनों दुकानें इसकी चपेट में आ सकते थे। उन्होंने बताया कि इस घटना में एक सी.टी.यू. बस और एक परिवहन निगम डिपो नगरोटा की बस पूरी तरह जलकर राख हो गई। मौके पर थाना प्रभारी यादेश कुमार, परिवहन निगम अधिकारी तथा अग्निशमन केंद्र बैजनाथ और पालमपुर की गाड़ियां भी पहुंच गई थीं। पुलिस ने मामला दर्ज कर अज्ञात लोगों की तलाश शुरू कर दी है। आगजनी के कारणों की जांच जारी है।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बठरा में 7 दिवसीय NSS शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का शुभारंभ बठरा विद्यालय के प्रधानाचार्य मुकेश सपेहिया द्वारा किया गया। इस शिविर में 35 स्वयंसेवी भाग ले रहे हैं। NSS के प्रभारी सुरजीत कुमार व मैडम छाया कुमारी की अध्यक्षता में यह सात दिवसीय शिविर चलेगा। कार्यक्रम अधिकारी सुरजीत ने स्वयंसेवियों को NSS संबंधित जानकारी देते हुए शिविर को सफल बनाने के निर्देश दिए इस मौके पर एसएमसी प्रधान सुनीता कुमारी, एसएमसी सदस्य व सभी स्टाफ मौजूद रहा। अंत में प्रधानाचार्य ने भी बच्चों को शिविर से संबंधित दिशा निर्देश दिए।
केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के बलाहर स्थित वेदव्यास परिसर की निदेशक प्रोफेसर सत्यम कुमारी एवं सह-निदेशक प्रोफेसर एस. जी. मंजूनाथ भट्ट के अथक प्रयासों से परिसर की पेयजल समस्या के समाधान के लिए दिल्ली मुख्यालय ने 28 लाख रुपये स्वीकृत किए हैं। जानकारी देते हुए सह-निदेशक प्रो. एस. जी. मंजूनाथ भट्ट ने बताया कि लंबे समय से परिसर में पेयजल आपूर्ति बाधित हो रही थी, जिससे छात्राओं के हॉस्टल सहित पूरे परिसर के विद्यार्थियों और स्टाफ को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इस समस्या के समाधान के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन ने एक कमेटी गठित कर आईपीएच विभाग (जल एवं सिंचाई विभाग) के अधिकारियों के साथ विशेष बैठक की। बैठक में विभाग ने 28 लाख रुपये का अनुमान (एस्टीमेट) तैयार कर विश्वविद्यालय को सौंपा और बताया कि यदि यह राशि उपलब्ध कराई जाती है, तो विभाग परिसर के लिए अलग पेयजल योजना तैयार करेगा, जिससे भविष्य में पानी की समस्या पूरी तरह समाप्त हो जाएगी। इस पर त्वरित कार्रवाई करते हुए केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर श्रीनिवास बरखेड़ी ने 28 लाख रुपये की राशि वेदव्यास परिसर को स्वीकृत कर भेज दी। वहीं परिसर की निदेशक प्रो. सत्यम कुमारी ने बिना समय गंवाए एक कमेटी का गठन किया और जल एवं सिंचाई विभाग (आईपीएच) के अधिकारियों को परिसर में आमंत्रित कर पेयजल योजना के शीघ्र क्रियान्वयन हेतु 28 लाख रुपये का चेक सौंप दिया। आईपीएच विभाग रक्कड़ के एसडीओ जसवंत सिंह ठाकुर ने बताया कि उन्हें परिसर की ओर से 28 लाख रुपये का चेक प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि आगामी दो से तीन महीनों के भीतर यह पेयजल योजना तैयार कर विश्वविद्यालय परिसर को सौंप दी जाएगी। इससे परिसर में पेयजल आपूर्ति की समस्या का लगभग पूर्ण समाधान हो जाएगा। इस अवसर पर वेदव्यास परिसर की अनुभाग अधिकारी अनुराधा शर्मा, कंप्यूटर विभाग के अध्यक्ष अमित वालिया, आईपीएच विभाग के कनिष्ठ अभियंता जुगल किशोर शर्मा, तथा परिसर के लैब अटेंडेंट प्रमोद कुमार और नमन शर्मा उपस्थित रहे।
देहरा उपमंडल के अंतर्गत खेरियाँ में एक बेसहारा गाय प्रसव के लिए काफी कष्ट से गुजर रही थी। जब स्थानीय लोगों ने उसे देखा तो इसकी सूचना पंचायत को दी गई। इस पर एक्शन लेते हुए चौकीदार, अन्य व्यक्तियों सहित वेटरनरी डॉक्टर राजेश मौके पर पहुंचे और गाय को पीड़ा से मुक्त करने के किए हर सम्भव प्रयास किए। लेकिन स्थिति की नाजुकता को देखते हुए देहरा से चिकित्सकों की टीम बुलानी पड़ी। स्थानीय लोगों में हेमंत बग्गा ने गाय के उपचार हेतु रुपये 1000 की सहायता राशि दी। स्थानीय लोगों ने कहा कि गाय के ऑपरेशन के लिए जो भी खर्च होगा उसे पंचायत वासी देंगे। 4 घंटे बाद डॉक्टरों की टीम द्वारा गाय का सफल ऑपरेशन हुआ। स्थानीय लोगों व पंचायत ने सीनियर वेटरनरी ऑफिसर डॉ. राजेश भाटिया, डॉ. संदीप शर्मा, डॉ. विशाल जीत, डॉ. आयुष के साथ उनके विभाग के सहयोगी राजेश, विशाल, अश्विनी, नियूश तथा खेरियाँ निवासी सूरम सिंह बग्गा का विशेष आभार व्यक्त किया।
ज्वालामुखी उपमंडल के अंतर्गत पड़ते राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला गुम्मर में सात दिवसीय NSS शिविर का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर नेशनल और स्टेट अवार्डी सत्या पाल शर्मा और विद्यालय के प्रधानाचार्य जोगिंदर कुमार ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। साथ ही हरजीत, अशोक कुमार, कार्यक्रम अधिकारी शिव राम एवं रीना देवी व समस्त शिक्षक वर्ग ने एक साथ माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलित कर शिविर का शुभारंभ किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ने बच्चों को अनुशासन व NSS के उद्देश्यों को ध्यान में रखते हुए नशे से दूर रहने की सलाह दी। कार्यक्रम की शुरुआत वंदे मातरम् और स्वागत गीत से हुई। कार्यक्रम अधिकारी शिव राम ने बताया कि यह सात दिवसीय शिविर 4 नवंबर से 10 नवंबर तक आयोजित किया जाएगा।
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सिहोरपाईं में मंगलवार को 7 दिवसीय राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) विशेष शिविर का शुभारंभ हुआ। शिविर के उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता विद्यालय के प्रधानाचार्य बी. आर. कमल ने की। प्रधानाचार्य ने अपने प्रेरक संबोधन में कहा कि ऐसे शिविर विद्यार्थियों में अनुशासन, सेवा भावना, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक दायित्व की भावना विकसित करते हैं। कार्यक्रम अधिकारी शशि पॉल एवं अनुराधा रानी ने शिविर की रूपरेखा प्रस्तुत की और आने वाले सात दिनों की गतिविधियों की जानकारी दी। शिविर के पहले दिन स्वयंसेवकों ने विद्यालय परिसर में स्वच्छता अभियान चलाया और “स्वच्छ भारत स्वस्थ भारत” का संदेश दिया। इस शिविर में कुल 33 स्वयंसेवक भाग ले रहे हैं। आगामी दिनों में स्वयंसेवक पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य जागरूकता, ग्राम भ्रमण, योग, सांस्कृतिक एवं बौद्धिक गतिविधियों के माध्यम से समाज में जनजागरण करेंगे। कार्यक्रम के अंत में NSS गीत गाया गया और प्रधानाचार्य बी. आर. कमल का आभार व्यक्त किया गया।
सरकारी डिग्री कॉलेज ढलियारा में NCC इकाई द्वारा सत्र 2025–26 का रैंक समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्या डॉ. अंजू आर. चौहान ने की इस मौके पर सी.टी.ओ. डॉ. कपिल सूद तथा प्राध्यापक प्रो. शर्मिता, प्रो. पूजा, प्रो. राजकुमार परमार और प्रो. पिताम्बर उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ डॉ. कपिल सूद के स्वागत भाषण से हुआ। इसके बाद उन्होंने कैडेटों को कर्तव्यनिष्ठा की शपथ दिलाई। तत्पश्चात् प्राचार्या, सी.टी.ओ. एवं प्राध्यापकों द्वारा कैडेटों को रैंक प्रदान किए गए। अमन शर्मा को अंडर ऑफिसर का रैंक दिया गया, जबकि अंशिका ठाकुर, वीरेन नारयाल और अंजली को सार्जेंट का रैंक प्राप्त हुआ। कॉर्पोरल के रूप में वरुण, वंश ठाकुर और अमन भारद्वाज को सम्मानित किया गया, वहीं लांस कॉर्पोरल का रैंक मनीषा शर्मा, जीवन मेहता और अर्जू ठाकुर को प्रदान किया गया। प्राचार्या डॉ. अंजू आर. चौहान ने सभी रैंकधारी कैडेटों को बधाई दी। समारोह का समापन सी.टी.ओ. डॉ. कपिल सूद के प्रेरणादायी भाषण और प्राचार्या एवं महाविद्यालय स्टाफ के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।
हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच होने वाले टी-20 मैच की तैयारी शुरू हो चुकी है। इस बीच दर्शकों के लिए अच्छी खबर है। 22000 की क्षमता वाले क्रिकेट स्टेडियम की सीटिंग कैपेसिटी बढ़ सकती है। हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन के सचिव अवनीश परमार का कहना है कि 14 दिसंबर 2025 को धर्मशाला में प्रस्तावित इस मैच से पहले स्टेडियम का सर्वे किया जाएगा। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम धर्मशाला की दर्शक दीर्घा की क्षमता बढ़ाने के लिए यह सर्वे किया जा रहा हैं। उन्होंने कहा कि सर्वे को दिसंबर तक पूरा करने की पूरी कोशिश की जा रही हैं, जिसके मुताबिक स्टेडियम को नुकसान पहुंचाए बिना क्षमता को बढ़ाया जाएगा। धर्मशाला में मैचों को लेकर दर्शकों के अलावा खिलाड़ियों में भी भरपूर उत्साह रहता है। यहां अब तक कई वनडे, टी-20 और टेस्ट मैच भी खेले जा चुके हैं। इनके अलावा यहां समय-समय पर अभ्यास शिविर भी लगाए जाते हैं।
संस्कृत भारती हिमाचल प्रदेश न्यास के देहरा जनपद संपर्क विभाग की ओर से सामाजिक लोगों के लिए संस्कृत परिचय वर्ग का आयोजन किया गया। ये आयोजन बुटेल मंदिर पराग़पुर में रविवार सुबह 11 से 1 बजे तक व बलाहर के समीप सूहीं गांव में दोपहर बाद 3 से 5 बजे तक इन दो स्थानों पर किया गया। इन दोनों वर्गों में कुल 68 महिलाओं व पुरुषों ने भाग लिया। इस संस्कृत परिचय वर्ग के अंतर्गत तीन सत्रों का आयोजन किया गया, जिसमें पहला सत्र संस्कृत क्या है? इस विषय के रूप में देहरा जनपद संपर्क प्रमुख डॉ. प्रतिज्ञा आर्या ने लिया, जिसमें संस्कृत के विविध पक्षों और सामान्य जनमानस के लिए संस्कृत की क्या आवश्यकता रहती है? इस विषय पर विशेष रूप से परिचर्चा की गई। दूसरे सत्र में हिमाचल प्रांत के प्रचार प्रमुख डॉ.सत्यदेव ने संस्कृत भारती अखिल भारतीय संगठन का विस्तृत परिचय उपस्थित लोगों को करवाया तथा इसके कार्यों, प्रकल्पों तथा आयामों का भी विशेष रूप से परिचय करवाया। संस्कृत परिचय वर्ग के अंतिम तृतीय सत्र में देहरा जनपद प्रशिक्षण प्रमुख डॉ. विनोद शर्मा ने सभी सामाजिक लोग संस्कृत के प्रचार-प्रसार के लिए क्या कर सकते हैं? हमारी संस्कृति के समर्थन में स्वयं अपनी, अपने परिजनों तथा पड़ोसियों के माध्यम से क्या भूमिका रह सकती है? इसके बारे में चर्चा की। इस अवसर पर परागपुर के समाजसेवी सुमित वालिया, विश्वविद्यालय परिसर कार्यकारिणी प्रमुख गोपाल कृष्ण, सह प्रमुख वैशाली कपूर, प्रचार प्रमुख मनोज कुमार, कक्षा प्रमुख सूजल शर्मा, कक्षा सह प्रमुख विवेक कुमार, अंकित कुमार, यशपाल शर्मा, मनालिका, आंचल शर्मा, शीतल, अंकिता, आशिमा इत्यादि सभी सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन शांति मंत्र के साथ हुआ। संस्कृत भारती हिमाचल प्रदेश की विश्वविद्यालय परिसरीय छात्र कार्यकारिणी के द्वारा इन दोनों सामाजिक संस्कृत परिचय वर्ग का संयोजन किया गया।
लगरू वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) का शुभारंभ 1 नवम्बर को हुआ, जोकि 7 नवंबर तक चलेगा। इस मौके पर स्कूल के प्रधानाचार्य राजकुमार तथा SMC के प्रधान प्रवीण कुमार चौधरी सहित स्कूल के अध्यापक और अध्यापिकाएं उपस्थित रहीं। कमेटी के प्रधान प्रवीण कुमार चौधरी मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे, उन्होंने रिबन काटकर तथा मां सरस्वती की पूजा कर NSS कैंप का शुभारंभ किया और स्कूल के प्रधानाचार्य ने बच्चों को NSS का महत्व भी बताया और बच्चों का उत्साह बढ़ाया।
बाबा कांशी राम राजकीय महाविद्यालय डाडा सीबा तथा केंद्रीय विश्विद्यालय हिमाचल प्रदेश के अर्थशास्त्र विभाग द्वारा एक दिवसीय अंतराष्ट्रीय सम्मेलन का हाइब्रिड मोड से आयोजन किया गया। यह अंतराष्ट्रीय सम्मेलन भारतीय ज्ञान परंपरा एवं समग्र विकास विषय पर आधारित थी। इस सम्मेलन के प्रथम एवं उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता डॉ. सुष्मिंदरजीत कौर अध्यक्ष स्नातकोत्तर इंग्लिश विभाग गुजरांवाला खालसा कॉलेज लुधियाना ने तथा संध्या कालीन सत्र तथा समापन समारोह की अध्यक्षता प्रो. संजीत सिंह ठाकुर, डीन स्कूल ऑफ सोशल साइंसेज, केंद्रीय विश्विद्यालय हिमाचल प्रदेश ने किया जिसमें डॉ. चारु उप्पल ने स्वीडन से तथा डॉ. स्टीफन मैकालन ने डलहौजी यूनिवर्सिटी कनाडा से किनोट एड्रेस दिया। इस दौरान ऑनलाइन माध्यम से 10 सत्र आयोजित किए गए। इस अंतराष्ट्रीय सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य भारतीय ज्ञान परंपरा को समझ में प्रसारित करना तथा भारतीय मूल्यों को आगे बढ़ाते हुए आधुनिक शिक्षा प्रणाली के साथ तालमेल बनाते हुए समग्र विकास को सुनिश्चित करना था। इस सम्मेलन में देश विदेश से शिक्षकों एवं शोधार्थियों ने लगभग 100 से अधिक शोध पत्र पढ़े। इसमें ज्ञान विज्ञान आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस पर्यावरण विज्ञान भारतीय वैदिक ज्ञान परंपरा इत्यादि विश्व पर मन्नान किया गया।
उपमंडल ज्वालामुखी तहसील खुंडियां गांव फुलवाड़ी की राजो देवी को सेना ने पंद्रह हजार रुपए की मासिक पेंशन लगा कर आर्थिक सहारा दिया है। पूर्व सैनिक लीग खुंडियां के चेयरमैन रिटायर्ड कर्नल एम एस राणा ने बताया कि राजो देवी के पिता सिपाही रंगील सिंह 1941 में द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान सेना की 5 फ्रंटियर फोर्स में भर्ती हुए थे लेकिन अगस्त 1946 में युद्ध में जख्मी होने से मेडिकल ग्राउंड पर सेवानिवृत कर दिए गए थे। जनवरी 2023 में जिला सैनिक कल्याण विभाग, धर्मशाला के माध्यम से आर्मी रिकॉर्ड कार्यालय में आश्रित (डिपेंडेंट) पेंशन के लिए आवेदन किया गया था। आर्मी रिकॉर्ड कार्यालय ने बताया कि द्वितीय विश्व युद्ध के पूर्व सैनिकों का रिकॉर्ड राष्ट्रीय अभिलेखागार (नेशनल आर्काइव्स ऑफ इंडिया), नई दिल्ली में स्थानांतरित कर दिया गया है। कर्नल राणा ने अभिलेखागार को पत्र भेजे, लेकिन कोई उत्तर प्राप्त नहीं हुआ। इसके बाद कर्नल राणा स्वयं दिल्ली जाकर संग्रहालय से संबंधित रिकॉर्ड प्राप्त करने में सफल हुए। जाँच के दौरान राजो देवी का नाम उनके पिता के आर्मी रिकॉर्ड में दर्ज नहीं पाया गया। संपूर्ण प्रक्रिया आरंभ करवाई गई, और जिला सैनिक कल्याण विभाग, धर्मशाला के माध्यम से राजो देवी का नाम उनके पिता के रिकॉर्ड में दर्ज करवाने के लिए प्रस्ताव भेजा गया। आर्मी रिकॉर्ड कार्यालय ने जिला एवं पुलिस प्रशासन से सत्यापन रिपोर्ट मांगी। आवश्यक सत्यापन के उपरांत लगभग दो वर्ष की निरंतर प्रक्रिया के बाद राजो देवी का नाम उनके पिता के आर्मी रिकॉर्ड में दर्ज किया गया। इस वर्ष मार्च माह में पेंशन से संबंधित कागजात तैयार कर भेजे गए थे। अब दिवाली के अवसर पर सेना द्वारा राजो देवी को ₹15,000 मासिक पेंशन स्वीकृत की गई है, जिससे उन्हें आर्थिक सहारा प्राप्त हुआ है। इसके लिए राजो देवी ने भारतीय सेना, हिमाचल प्रदेश सैनिक कल्याण विभाग के डायरेक्टर ब्रिगेडियर मदन शील शर्मा, कांगड़ा जिला के डिप्टी डायरेक्टर कर्नल गोपाल सिंह गुलेरिया, खुंडियां लीग के पदाधिकारी रिटायर्ड कर्नल एम एस राणा, कैप्टन कर्म सिंह, कैप्टन ध्यान, कैप्टन कश्मीर सिंह, सूबेदार मेजर माधो राम और सूबेदार मेजर रणवीर सिंह राणा का निस्वार्थ सहयोग के लिए धन्यवाद किया है। लीग के चेयरमैन ने बताया कि ऐसे केस में उन्हीं बेटियों को पेंशन लगती है जिन के परिवार की मासिक आय 9 हजार रुपए से कम हो।
गवर्नमेंट कॉलेज ढलियारा के बी.वॉक विभाग में शुक्रवार को अभिभावक-शिक्षक बैठक का सफल आयोजन हुआ। इस अवसर पर लगभग 70 से 80 अभिभावकगण उपस्थित रहे। कार्यक्रम में महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. अंजू रानी चौहान, नोडल अधिकारी प्रोफेसर कंचन रनौत, प्रो. बृजेश्वर रनौत, प्रो. संजीव जसवाल, सहित सभी संकाय सदस्य एवं बी.वॉक हॉस्पिटैलिटी एंड टूरिज्म तथा रिटेल मैनेजमेंट विभाग के व्यावसायिक प्रशिक्षक मौजूद रहे। कार्यक्रम की शुरुआत स्वागत भाषण से हुई, जिसके उपरांत विभिन्न विभागों के शिक्षकों ने अभिभावकों के समक्ष अपने विचार प्रस्तुत किए। हॉस्पिटैलिटी एंड टूरिज्म विभाग की ओर से आशीष देव ने विद्यार्थियों की ऑन द जॉब ट्रेनिंग के दौरान हुए अनुभवों एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण पर चर्चा की। इसके पश्चात नितेश कुमार ने छात्रों के सर्वांगीण विकास में अभिभावकों और छात्रों के समन्वय की आवश्यकता पर बल दिया और हॉस्पिटैलिटी उद्योग के सभी पहलुओं को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। इसी क्रम में प्रशोतम, व्यावसायिक प्रशिक्षक (हॉस्पिटैलिटी एंड टूरिज्म), ने प्लेसमेंट ड्राइविंग और विद्यार्थियों के भविष्य की संभावनाओं पर अपने विचार रखे। रिटेल मैनेजमेंट विभाग की ओर से अनिल, व्यावसायिक प्रशिक्षक, ने रिटेल क्षेत्र का परिचय तथा विद्यार्थियों की सीखने की प्रक्रिया पर विस्तार से चर्चा की। इसके साथ प्रियंकुर मस्ताना ने विद्यार्थियों की शिक्षा यात्रा पर अपने विचार रखते हुए देश की कार्यसंस्कृति को समझने और अपनाने की आवश्यकता पर बल दिया। राकेश, व्यावसायिक प्रशिक्षक (रिटेल मैनेजमेंट), ने रिटेल सेक्टर की संभावनाओं, विकास योजनाओं एवं ऑन द जॉब ट्रेनिंग की रूपरेखा पर विस्तार से प्रकाश डाला। इस अवसर पर प्रोफेसर बृजेश्वर रनौत ने अभिभावकों को संबोधित करते हुए कहा कि बी.वॉक डिग्री किसी भी अन्य पारंपरिक स्नातक डिग्री के समान ही मान्य है। प्रोफेसर संजीव जसवाल ने भी अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि आने वाला समय व्यावसायिक शिक्षा का है, जो विद्यार्थियों को व्यवहारिक ज्ञान देकर उद्योगोन्मुख बनाएगी। नोडल अधिकारी प्रोफेसर कंचन रनौत ने अभिभावकों से व्यक्तिगत संवाद किया और बी.वॉक हॉस्पिटैलिटी एंड टूरिज्म तथा रिटेल मैनेजमेंट दोनों विभागों के सीखने की संभावनाओं, उद्योग से जुड़ाव और करियर विकास के विषयों पर विस्तृत जानकारी प्रदान की। प्राचार्य डॉ. अंजू रानी चौहान ने अपने प्रेरणादायक संबोधन में कहा कि अभिभावक अपने बच्चों को मोबाइल फोन के अत्यधिक उपयोग से दूर रखें। कार्यक्रम का समापन नोडल अधिकारी प्रोफेसर कंचन रनौत के धन्यवाद प्रस्ताव के साथ हुआ।


















































