डाडा सिबा के तहत गांव बतबाड़ में सड़क किनारे पड़ी पेड़ की बड़ी टहनी वाहन चालकों के लिए खतरा बन चुकी है। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह टहनी एक तीखे मोड़ पर रखी गई है, जिससे वाहनों के पास देने के लिए जगह नहीं बचती। ऐसे में कभी भी गंभीर हादसा हो सकता है। कुछ दिनों पहले आए तेज तूफान और बारिश के कारण यह पेड़ गिरा था, जिससे यातायात बाधित हुआ। लोक निर्माण विभाग ने सड़क से हटाकर टहनी को किनारे तो कर दिया, लेकिन 10 से 15 दिनों बाद भी इसे वहां से नहीं उठाया गया। अब यह वाहन चालकों और स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। इस मामले में डाडा सिबा लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता नितेश कौडल ने बताया कि जब यह हादसा हुआ था, तब जेसीबी की मदद से टहनी को सड़क किनारे कर दिया गया था। अब इसे हटाने की जिम्मेदारी वन विभाग की है। वहीं, डाडा सिबा फॉरेस्ट विभाग के आरओ राजेश कुमार ने कहा कि जल्द ही इस टहनी को हटाने की कार्रवाई की जाएगी।
कांग्रेस आलकमान ने राजीव शुक्ला को हटाकर रजनी पाटिल को हिमाचल का प्रभारी नियुक्त कर दिया है। शुक्रवार देर रात इसको लेकर अधिसूचना जारी कर दी है। पाटिल इससे पहले भी ये ज़िम्मेदारी संभल चुकी है। वह मई 2018 से 11 सितंबर 2020 तक हिमाचल की प्रभारी थी, तब कुलदीप राठौर पीसीसी चीफ थे। राजीव शुक्ला को कांग्रेस पार्टी आला कमान ने वर्ष 2020 में हिमाचल कांग्रेस की बतौर प्रभारी नियुक्ति किया था। 2 साल बाद यानी वर्ष 2022 में हुए विधानसभा के चुनाव में कांग्रेस ने प्रदेश की सत्ता में वापसी की थी। हालांकि, इसके बाद लोकसभा चुनाव में कांग्रेस प्रदेश की चारों सीटों पर चुनाव हार गई थी। इसी बीच कांग्रेस पार्टी में आपसी गुटबाजी भी खुलकर सामने आती रही। मौजूदा समय में हिमाचल कांग्रेस पार्टी की सभी कमेटियां चाहे वह प्रदेश कांग्रेस कमेटी हो या जिला वह ब्लॉक कमेटी या सभी भंग है। ऐसे में रजनी पाटिल के समक्ष नए सिरे से कमेटियों का गठन करना सबसे पहली चुनौती होगी। वहीँ इस साल के अंत में पंचायती राज चुनाव होने हैं वह अगले वर्ष कुछ नगर निगम के चुनाव है। रजनी पाटिल हिमाचल कांग्रेस की पहले भी प्रभारी रह चुकी है। वह प्रदेश कांग्रेस पार्टी व यहां के पदाधिकारी से लेकर आम कार्यकर्ताओं तक को जानती है। माहिर मानते है कि पार्टी हाई कमान ने उनके इसी अनुभव को देखते हुए दोबारा से उन्हें प्रदेश प्रभारी की कमान सौंपी है।
शिमला: हिमाचल सरकार में लोक निर्माण विभाग के मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने रोजगार के मुद्दे पर विपक्ष पर निशाना साधा है. विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि 2 साल के कार्यकाल में प्रदेश सरकार ने 42 हजार रोजगार के अवसर युवाओं को प्रदान किए. वहीं पूर्व भाजपा सरकार ने 5 साल के कार्यकाल में केवल 55 हजार सरकारी नौकरियां दी. इस दौरान विक्रमादित्य सिंह ने नेता प्रतिपक्ष और भाजपा पर केंद्र से हिमाचल को मिलने वाली मदद रोकने का भी आरोप लगाया है. विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि प्रदेश में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के प्रदेश में विकास कार्य किए जा रहे हैं. प्रदेश सरकार युवाओं को रोजगार देने के लिए प्रतिबद्ध हैं और सरकार इसके लिए काम कर रही है. लेकिन पिछले कुछ समय से विपक्ष और मुख्य रूप से नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर लगातार तथ्यहीन हैं और बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है. विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि सरकार ने दो साल के कार्यकाल में 42 हजार युवाओं को रोजगार का अवसर दिया. वहीं पूर्व भाजपा सरकार ने पांच साल के कार्यकाल में केवल 20 हज़ार नौकरियां दी गई. विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार ने दो सालों में 12 हज़ार 500 सरकारी क्षेत्र में नौकरियां दी गई. पूर्व सरकार के घोटालों के चलते जो भर्तियां लटकी हुई थीं उन्हें भी बहाल करने का काम सरकार ने किया. वर्तमान सरकार ने 2 हज़ार 273 ऐसे पदों पर भर्ती प्रक्रिया को शुरू किया. विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि 25 हजार नए पद भरने की प्रक्रिया जल्द शुरू होगी जिसमें प्रदेश के युवाओं को रोज़गार का अवसर मिलेगा.विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि भाजपा की सरकार प्रदेश पर 75 हज़ार करोड़ का कर्ज छोड़ कर गई. उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार ने प्रदेश आर्थिक रूप से मज़बूत करने के लिए काम किया. मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह के नेतृत्व में 443 औद्योगिक प्रस्तावों को स्वीकृति दी गई. साथ ही राजीव गांधी स्वरोजगार योजना के माध्यम से युवाओं को रोज़गार दिया जा रहा है. इसके अलावा बागवानों के लिए यूनिवर्सल कार्टन लाया गया और नींबू प्रजाति के फलों का समर्थन मूल्य भी बढ़ाया गया. वर्तमान सरकार ने मनरेगा का दिहाड़ी बढ़ाई गई आपदा में क्षतिग्रस हुई सड़कों को मनरेगा के माध्यम से किया गया. इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने का काम किया गया. विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि जहां पूर्व भाजपा सरकार ने 5 साल के कार्यकाल में 55 हजार सरकारी नौकरियां दी. वहीं वर्तमान कांग्रेस सरकार ने 2 साल के कार्यकाल में युवाओं को 20 हज़ार सरकारी नौकरी देने का काम किया . इस दौरान लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर को निशाने पर लिया. विक्रमादित्य सिंह ने नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर पर आरोप लगाते हुए कहा कि जयराम ठाकुर लगातार केन्द्र से हिमाचल को मिलने वाली मदद को रोकने का काम कर रहे हैं. केंद्र की हर फंडिंग में हिमाचल की आवाज़ दबाने का काम किया जा रहा है. हिमाचल आर्थिक रूप से वाइबल राज्य नहीं है और केंद्र पर निर्भर है. जम्मू कश्मीर को बजट में स्पेशल पैकेज दिया गया. लेकिन हिमाचल में आपदा से भारी नुकसान हुआ. करीब 9 हजार करोड़ के नुकसान का आंकलन किया गया लेकिन एक पैसा नहीं मिला. मगर क्या विपक्ष के नेता और भाजपा के पार्टी प्रदेश अध्यक्ष ने केंद्र के सामने बात रखी यह सवाल है. विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि राजनीति केवल राजनीतिक के लिए नहीं होनी चाहिए. विपक्ष को प्रदेश के हित के लिए राजनीति करनी चाहिए.
अभिलाषी विश्वविद्यालय, चैलचौक, मंडी, हिमाचल प्रदेश के अंतर्गत एम.बी.ए., एम.एससी जूलॉजी और एम.एससी एग्रीकल्चर के कोर्स के अंतिम सेमेस्टर के 6 छात्रों का चयन जस्ट डायल प्राइवेट लिमिटेड कंपनी में नौकरी के लिए हुआ है। इस चयन के बाद, इन छात्रों को कंपनी द्वारा ऑफर लेटर दिए गए हैं, जिसमें उन्हें सालाना 3 लाख रुपये तक का पैकेज ऑफर किया गया है। डायरेक्टर ट्रेनिंग व प्लेसमेंट डॉ. शैम्पी दुग्गल ने बताया कि छात्रों का चयन टेक्निकल और एच.आर. राउंड के बाद किया गया। चयनित छात्र जस्ट डायल में बिजनेस डेवलपमेंट एग्जीक्यूटिव, सर्टिफाइड इंटरनेट कंसलटेंट और टेलीमार्केटिंग एग्जीक्यूटिव के पद पर अपनी सेवाएं देंगे। इस प्लेसमेंट ड्राइव में एम.बी.ए. के छात्र पोशाली, करण, धीरज, अमन ठाकुर, एम.एससी जूलॉजी की इंदु बाला और एम.एससी एग्रीकल्चर के ललित कुमार का चयन हुआ है। अभिलाषी विश्वविद्यालय के वाइस चांसलर प्रोफेसर एच.के. चौधरी ने इस सफलता पर खुशी व्यक्त की और बताया कि इस महीने कई प्रतिष्ठित कंपनियां विश्वविद्यालय में कैंपस प्लेसमेंट ड्राइव का हिस्सा बन रही हैं, जिससे विवि के छात्रों को रोजगार के बेहतर अवसर मिल रहे हैं। हाल ही में, विवि के मैनेजमेंट, जूलॉजी और मैथमेटिक्स विभाग के 18 छात्रों को भी कैंपस प्लेसमेंट से जॉब मिल चुकी है। इस मौके पर विश्वविद्यालय के चांसलर डॉ. आर.के. अभिलाषी, प्रो चांसलर डॉ. एल.के. अभिलाषी, वाइस चांसलर प्रोफेसर एच.के. चौधरी, रजिस्ट्रार डॉ. कपिल कपूर, जीनीयस एजुकेशन सोसाइटी की चेयरपर्सन डॉ. नर्वदा अभिलाषी, और अन्य अधिकारियों ने चयनित छात्रों, उनके अभिभावकों, प्रोफेसरों और प्लेसमेंट सेल को बधाई दी।
चंडीगढ़ में 8 से 9 फरवरी 2025 तक आयोजित दसवीं जीटीए ओपन ताइक्वांडो प्रतियोगिता में जयसिंहपुर विधानसभा के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला संघोल की छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन किया। इन छात्रों ने प्रतियोगिता में दो गोल्ड मेडल अर्जित किए, जो उनकी कड़ी मेहनत और समर्पण का प्रतीक है। इससे पहले भी ये छात्राएं राष्ट्रीय स्तर पर स्कूल का नाम रोशन कर चुकी हैं। इसके अलावा, कई अन्य छात्राएं राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर स्कूल गेम्स और फेडरेशन में भाग ले चुकी हैं। खिलाड़ियों के स्कूल लौटने पर उनका भव्य स्वागत किया गया। इस शानदार उपलब्धि का श्रेय उन्होंने विद्यालय के प्रधानाचार्य अंजलि डोगरा, ताइक्वांडो कोच अश्वनी कुमार, डीपीई अरुण कटोच और समस्त स्टाफ को दिया। यह उपलब्धि स्कूल के समर्पित प्रयासों का नतीजा है, जो छात्रों की सर्वांगीण प्रगति में मदद कर रहे हैं।
कुनिहार पुलिस ने गश्त के दौरान मिली गुप्त सूचना पर चौपाल के दो व्यक्तियों से 307 ग्राम चरस बरामद की। जानकारी के मुताबिक, वीरवार शाम कुनिहार पुलिस गश्त पर थी, तभी उन्हें मुखबिर से सूचना मिली कि एक सफेद रंग की गाड़ी HP-08A-6193, जो स्पाटू की तरफ से आ रही है, उसमें दो लोग सवार हैं और गाड़ी में भारी मात्रा में चरस हो सकती है। पुलिस ने तुरंत कुनिहार सोलन मार्ग पर ग्रोणघाटी में नाकाबंदी की। कुछ समय बाद, गाड़ी को रात गम्बरपुल की तरफ से आते हुए देखा गया, जिसे पुलिस ने मु0आ0 राजेन्द्र कुमार द्वारा ईशारा कर रोका। गाड़ी में दो व्यक्तियों ने अपनी पहचान केवल राम और राजू के रूप में दी, जो दोनों चौपाल क्षेत्र के निवासी थे। पुलिस ने गाड़ी की तलाशी ली और ड्राइवर सीट के नीचे से एक पारदर्शी पॉलीथीन लिफाफा बरामद किया। लिफाफा खोलने पर उसमें 39 छोटी-बड़ी बत्तियां पाई गईं, जिनका वजन कुल 307 ग्राम था। पुलिस ने अनुभव से इन बत्तियों को चरस के रूप में पहचाना और आरोपी से पूछताछ की। डीएसपी सोलन अशोक चौहान ने इस मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपियों से चरस बरामद कर मामला दर्ज किया गया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।
कुल्लू के साथ लगते लगघाटी के मड़घन गांव में गुरुवार दोपहर अचानक आग लगने से एक मकान जलकर राख हो गया, जिससे लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। आगजनी की घटना के कारण पूरे गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मकान में आग लगने की जानकारी मिलने पर आसपास के लोग मदद के लिए तुरंत मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक घर पूरी तरह से जलकर राख बन चुका था। आग लगने वाला मकान राम लाल व मोती लाल पुत्र फागनु राम और केहरी देवी पत्नी स्वर्गीय भंडारी लाल का अढ़ाई मंजिला लकड़ी का सलेटपोश साझा मकान था। अग्निशमन विभाग की टीम ने स्थानीय लोगों की मदद से आग पर काबू पाया। हालांकि, आग लगने से मकान पूरी तरह से जल गया, लेकिन इस घटना में किसी भी प्रकार के जानी नुकसान की सूचना नहीं है। अनुमान के मुताबिक, आगजनी से करीब आठ लाख रुपये का नुकसान हुआ है। आग लगने के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल पाया है, और पुलिस ने इस घटना को लेकर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस इस आगजनी के कारणों का पता लगाने के लिए प्रयासरत है।
शिमला के चक्कर बाइपास के पास स्थित पर्यटन विभाग की वर्कशॉप में गुरुवार देर शाम अचानक भीषण आग लग गई। आग की लपटें देख आसपास के लोग सकते में आ गए और अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी भी व्यक्ति को कोई जानमाल का नुकसान नहीं हुआ। वहीं, वर्कशॉप का पूरा भवन आग की चपेट में आकर नष्ट हो गया। घटना से लाखों रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है, लेकिन यह दुर्घटना उस समय हुई जब वर्कशॉप बंद थी। अग्निशमन विभाग की टीमें मौके पर पहुंची और देर रात तक आग बुझाने की प्रक्रिया जारी रखी। फिलहाल, विभाग इस हादसे की जांच कर रहा है ताकि आग लगने के कारणों का पता चल सके।
सोलन: प्रदेश सरकार के खिलाफ शिक्षा प्राप्त बेरोजगार संघ सोलन इकाई ने किया प्रदर्शन, जमकर की नारेबाजी
सोलन, 13 फरवरी: शिक्षा प्राप्त बेरोजगार संघ इकाई सोलन ने सरकार द्वारा रोजगार न देने पर आज प्रदर्शन किया। इस दौरान युवाओं ने माल रोड पर जमकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। यह रैली पुराने डीसी कार्यालय से लेकर पुराने बस अड्डे तक निकाली गई। इसके बाद प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू व राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ला को डीसी सोलन मनमोहन शर्मा के माध्यम से ज्ञापन सौंपा गया। प्रदर्शन के दौरान युवाओं ने आउटसोर्स को बंद करने की मांग, स्वास्थ्य विभाग में नर्सों की भर्ती, पटवार सर्कल में पटवारियों की भर्ती, सेवानिवृत्त कर्मचारियों के स्थान पर युवाओं को मौका दिया जाए कि मांग उठाई। इसके अलावा पंचायतों के कार्यों को सुचारू रूप से चलाने के लिए सचिव की भर्ती और विभिन्न पदों के रुके परिणामों जल्द घोषित किए जाने पर बात रखी। युवाओं ने कहा कि सरकार ने सत्ता को पाने के लिए एक लाख बेरोजगारों को नौकरी देने का वादा किया था। जबकि अभी तक सरकार केवल 9414 पद पर रोजगार दे पाई है, जो कि दी गई गारंटी का केवल 2 प्रतिशत है। सरकार घोषणा करती है कि युवाओं के लिए नौकरी का पिटारा खोला जाएगा। लेकिन यह सब घोषणाएं केवल कागजों तक ही सीमित रह गईहै। प्रदर्शनकारियों ने यह भी कहा कि सेवानिवृत्त कर्मचारियों को दुबारा नौकरी पर नहीं रखा जाना चाहिए और सरकारी नौकरियों में योग्य और नए उम्मीदवारों को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। पंचायत सचिव, पटवारी, JOA, क्लर्क, नर्स, टीजीटी, जेबीटी, SI, SDO, J.E जैसे पदों को तुरंत भरा जाए और इन पदों के लिए नियुक्तियां बिना किसी और देरी के की जाएं। इसके अलावा, अस्थाई भर्तियों पर तत्काल रोक लगाने की मांग भी की गई। युवाओं ने स्थाई भर्ती की प्रक्रिया को लागू करने की भी अपील की और गेस्ट टीचर पॉलिसी को वापस लेने की मांग की, साथ ही कहा कि इस नीति की जगह कमीशन के माध्यम से भर्ती की जाए। विधानसभा भर्ती में भ्रष्टाचार के मामलों का भी उल्लेख किया गया और यह मांग की गई कि उन भर्तियों पर रोक लगाई जाए और एक समिति गठित कर जांच की जाए। इसके साथ ही, उन अभ्यर्थियों को बाहर किया जाए जो भ्रष्टाचार के चलते भर्ती में सफल हुए थे। युवाओं ने HPRCA को तुरंत लागू करने की भी मांग की। इस धरना प्रदर्शन में सोलन के विभिन्न हिस्सों से बड़ी संख्या में बेरोजगार युवा शामिल हुए, जिनमें नितिन कुमार, अंकुश ठाकुर, बालकृष्ण जी, नीरज राणा, अंकित मालवीय, कार्तिक भारद्वाज, साक्षी, मधु, सुमन, दीपिका, तेनजिंग, डोल्मा, मोहित नेगी, शमशेर सिंह और कई अन्य विद्यार्थी शामिल थे। प्रदर्शनकारियों ने सरकार को चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए तो प्रदेश का युवा और अधिक उग्र प्रदर्शन करेगा और विधानसभा का घेराव करेगा। इस स्थिति के लिए प्रदेश सरकार जिम्मेदार होगी।
**शिवरात्रि पर हर वर्ष समिति व शंभू परिवार करवाता है आयोजन कुनिहार:-प्राचीन शिव तांडव गुफा विकास समिति कुनिहार व शंभु परिवार के सौजन्य से गुफा प्रांगण में 11 दिवसीय शिव महापुराण कथा का आयोजन किया जा रहा है। समिति अध्यक्ष रामरतन तनवर,उपाध्यक्ष अमरीश ठाकुर व मीडिया एडवाइजर मनोज भारद्वाज ने बताया कि महाशिवरात्रि के उपलक्ष पर शिवमहापुराण कथा का आयोजन किया जाएगा। जिसमें कथावाचक परम श्रद्धेय जीत राम शर्मा आचार्य ग्राम देवथल कुहंर अपनी मधुर वाणी से शिव कथा का गुणगाण करेंगे। उन्होंने ने बताया की 15 फरवरी शनिवार सुबह 9 बजे से कलश यात्रा के साथ कथा का शुभारंभ होगा। वही1बजे से 4 बजे तक कथा का समय रहेगा। प्रतिदिन 4से 6 बजे तक भंडारे का प्रसाद वितरित किया जाएगा। 25 फरवरी को हवन व पूर्णाहुती के साथ कथा को विराम दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि 26फरवरी को महाशिवरात्रि पर्व धूमधाम से मनाया जाएगा जिसकी सभी तैयारियां पूरी हो चुकी है महाशिवरात्रि को सुबह से रात तक भोले के सुंदर भजनों व झाँकियों का आयोजन भी भक्तों के लिए किया जाएगा।वही सभी भक्तों को फलो का प्रशाद विशेष तौर पर दिया जायेगा। 27 फरवरी को सभी क्षेत्र वासियों के सहयोग से विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा। गुफा विकास समिति व शम्भु परिवार ने सभी क्षेत्र वासियों से इस कार्यक्रम में भाग लेने वो भोले के आशीर्वाद लेने की अपील की है
प्रदेश में बर्फबारी और बारिश न होने की वजह से राज्य के किसान और बागवान परेशान नजर आ रहे हैं. जनवरी महीने में 84 फ़ीसदी और फरवरी महीने के 11 दिनों में 51 फ़ीसदी तक कम बारिश हुई है. बर्फबारी और बारिश न होने की वजह से नकदी फसल के साथ सेब की पैदावार पर खतरा मंडरा रहा है. किसान-बागवान अपने साल भर की मेहनत को लेकर खासे चिंतित हैं. राज्य में कई ऐसे किसान और बागवान हैं, जिनकी रोज़ी-रोटी इसी के साथ जुड़ी हुई है. ऐसे में अगर मौसम का साथ नहीं मिलेगा, तो आने वाले समय में परेशानियां बढ़ सकती हैं. यह राज्य सरकार के लिए भी चिंता का विषय है। हिमाचल प्रदेश संयुक्त किसान मंच के संयोजक हरीश चौहान का कहना है कि बर्फबारी और बारिश न होने की वजह से सेब की पैदावार पर सीधा असर पड़ रहा है. बागवान अपने साल भर की मेहनत को लेकर बेहद चिंतित हैं. सर्दियों के मौसम में अब तक नाममात्र की बर्फबारी हुई है. बर्फबारी न होने की वजह से पौधे की जरूरतें पूरी नहीं हो रही हैं. यही नहीं, बर्फबारी होने से कई ऐसे कीड़े-मकौड़े भी मर जाते हैं, जो पौधे को नुकसान पहुंचा सकते हैं.वहीं, युवा बागवान मोहित शर्मा ने भी बर्फबारी और बारिश न होने की वजह से चिंता ज़ाहिर की है. उन्होंने कहा कि इसकी वजह से सेब की पैदावार पर सीधा असर पड़ेगा. बेहतर पैदावार के लिए पौधे को नमी की जरूरत होती है. बर्फ न होने की वजह से नमी नहीं मिल पा रही है. यह सभी बागवानों के लिए चिंता का विषय है.
देश भर में गुरु रविदास जी की जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। इसी कड़ी में देहरा विधानसभा के कल्लर पंचायत में गुरु रविदास सभा ने संत शिरोमणि रविदास की 648 जन्म जयंती मनाई। कार्यक्रम में पहुँचे भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश सह मीडिया प्रभारी डॉ सुकृत सागर भी गुरु रविदास के मंदिर में नतमस्तक हुए । उसके उपरांत उन्होंने अपने विचार साँझा करते हुए कहा महान संत शिरोमणि रविदास जी ने सामाजिक सद्भाव और समानता की जो पवित्र ज्योत प्रज्ज्वलित की और कहा कि उसका मंगल प्रकाश हम सबको सर्वदा कर्तव्य पथ पर चलते हुए मानव सेवा के लिए प्रेरित करता रहेगा। डॉ सुकृत ने ये भी कहा कि हम सभी संत शिरोमणि रविदास जी के पुण्य विचारों पर चलते हुए समाज के कमजोर वर्ग के कल्याण के लिए निरंतर कार्यरत रहेंगे तथा उनकी शिक्षा को अपनाते हुए आगे बढ़ेंगे। इसके उपरांत सभा के प्रधान मनोहर लाल ने सभा सदस्यों के साथ डॉ सुकृत सागर को सम्मानित किया। कार्यक्रम में रविदास सभा के प्रधान मनोहर लाल, उपप्रधान अशोक व रमेश कुमार सहित अन्य सदस्य व गाँववासी उपस्थित रहे।
कुनिहार:-जिला सोलन पुलिस पेंशनर वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक रविवार16 फरवरी को कुनिहार तालाब पेंशनर भवन में आयोजित की जाएगी। एसोसिएसन के वरिष्ठ मुख्य सलाहकार व संयोजक धनीराम तंनवर ने सभी जिला सोलन के पुलिस पेंशनर वेलफेयर एसोसिएशन के सदस्यों से आग्रह किया है कि काफी समय से किसी कारणवश जिला सोलन पुलिस पेंशनर की मीटिंग ना हो सकी जिसे 16 फरवरी रविवार के दिन 11 बजे कुनिहार के महाराजा पदम सिंह स्टेडियम तालाब पैनशर हाउस में आयोजित किया जाना है। आप सभी ज्यादा से ज्यादा संख्या में इस बैठक में पधारे ,ताकि अपनी पुरानी मांगों पर चर्चा व विचार विमर्श कर सरकार व विभाग से मांग उठाई जा सके। उन्होंने सभी से समय पर पहुंचने की अपील की है।
सुनील/बिलासपुर: नगर परिषद घुमारवीं में स्वच्छ शहर, समृद्ध शहर कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत हो गई। शहरी विकास विभाग द्वारा संचालित इस विशेष अभियान का उद्देश्य नगरवासियों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करना और कचरा निपटान की उचित प्रक्रिया अपनाने के लिए प्रेरित करना है। यह अभियान 10 फरवरी 2025 से 9 अप्रैल 2025 तक चलेगा, जिसमें स्थानीय स्वयं सहायता समूह की अहम भागीदारी रहेगी। कार्यक्रम के अंतर्गत स्वयं सहायता समूह के सदस्य प्रत्येक घर का द्वार दो बार खटखटाएंगे और नागरिकों को गीले एवं सूखे कचरे के उचित प्रबंधन के बारे में जागरूक करेंगे। वे लोगों को यह भी बताएंगे कि कैसे सही ढंग से कचरे का निपटान करने से न केवल पर्यावरण स्वच्छ रहेगा बल्कि नगर की समृद्धि भी बढ़ेगी। कार्यक्रम की शुरुआत नगर परिषद घुमारवीं की अध्यक्षा रीता सहगल व कार्यकारी अधिकारी खेमचंद वर्मा की उपस्थिति में हुई। अध्यक्षा रीता सहगल ने इस मौके पर कहा, "यह अभियान घुमारवीं नगरवासियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इससे न केवल सफाई व्यवस्था में सुधार आएगा बल्कि लोगों को कचरा निपटान के सही तरीकों की जानकारी भी मिलेगी। कार्यकारी अधिकारी खेमचंद वर्मा ने कहा कि हमारा लक्ष्य नगर परिषद क्षेत्र के हर घर तक यह संदेश पहुंचाना है कि स्वच्छता ही समृद्धि की कुंजी है। इस अभियान के तहत हम स्थानीय निवासियों को स्वच्छता से जुड़ी आदतें अपनाने के लिए प्रेरित करेंगे। इस कार्यक्रम में नगर परिषद के अधिकारी, पार्षदगण, स्वयं सहायता समूह के सदस्य और स्थानीय लोग भी बड़ी संख्या में शामिल हुए। आयोजन के दौरान जागरूकता रैली निकाली गई, जिसमें लोगों ने स्वच्छता के प्रति अपने संकल्प को दोहराया। स्वच्छता जागरूकता का प्रयास अभियान के दौरान नगरवासियों को यह बताया जाएगा कि किस तरह गीला और सूखा कचरा अलग-अलग रखना चाहिए, जैविक कचरे से खाद बनानी चाहिए और पुनर्चक्रण (रिसाइक्लिंग) के लिए प्लास्टिक, कांच, धातु आदि को अलग करना चाहिए। नगर परिषद के इस प्रयास से उम्मीद है कि आने वाले दिनों में नगर को स्वच्छ और सुंदर बनाने में लोगों की सहभागिता बढ़ेगी और स्वच्छ शहर, समृद्ध शहर का सपना साकार होगा। इस कार्यक्रम में नगर परिषद कार्यकारी अधिकारी व चुने हुए पदाधिकारी मौजूद रहे।
बीते दो दिनों से सोशल मीडिया पर ये खबर तेज़ी से फ़ैल रही है कि सोलन में 18 वर्षीय युवक की मृत्यु को चिट्टे से मौत हो गई थी लेकिन ये खबर महज एक अफवाह है सोलन जिले के पुलिस अधीक्षक गौरव सिंह ने कुछ लोगों द्वारा काला पीलिया के कारण हुई 18 वर्षीय नवयुवक की मृत्यु को चिट्टे के उपयोग से जोड़कर फैलाए गए अफवाहों पर कड़ी आपत्ति जताई है। उन्होंने लोगों से ऐसे अफवाहों से बचने और किसी भी आधिकारिक जानकारी के लिए जिला पुलिस से संपर्क करने की अपील की है। बीती 10 फरवरी को सिरमौर जिले की शिलाई तहसील निवासी एक महिला अपने बेटे सचिन और बेटी के साथ सोलन बाजार खरीदारी करने आई थी। इस दौरान सचिन हनुमान मंदिर के पास अचानक चक्कर खाकर गिर पड़ा। उसे तुरंत एंबुलेंस द्वारा चिकित्सालय पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस अधीक्षक गौरव सिंह के अनुसार, पुलिस ने मृतक के शरीर का बाहरी स्तर पर पूर्ण रूप से जांच की। इस जांच में कहीं भी चोट के निशान, इंजेक्शन के निशान या किसी अन्य प्रकार की शंका उत्पन्न करने वाली कोई चीज़ नहीं मिली। मृतक की मां ने बताया कि सचिन कुछ समय से काले पीलिया (जॉन्डिस) से पीड़ित था और उसके लीवर में इंफेक्शन था। इस कारण उसका इलाज सोलन के अस्पताल में चल रहा था। मृतक के परिवार ने शव विच्छेदन (पोस्टमॉर्टम) न कराने का आग्रह करते हुए एक प्रार्थनापत्र भी सौंपा था, जिसे चिकित्सा अधिकारी (एमओ) सोलन द्वारा सत्यापित किया गया। इसके बाद पुलिस ने शव को परिजनों के सुपुर्द कर दिया। हालांकि, कुछ लोगों ने बिना किसी मेडिकल रिपोर्ट या पुलिस की जांच के पुष्टि किए बिना सचिन की मृत्यु को चिट्टे के कारण होने की अफवाह फैलाना शुरू कर दिया। पुलिस अधीक्षक ने इसे पूरी तरह से निराधार बताया और कहा कि इस प्रकार की अफवाहों से बचने की अपील की। उन्होंने नागरिकों से आग्रह किया कि वे केवल आधिकारिक जानकारी पर ध्यान दें और किसी भी शंका के लिए जिला पुलिस से संपर्क करें। सोलन पुलिस की तरफ से दी गई जानकारी के अनुसार, इस मामले में अभी तक किसी भी अपराध या संदिग्ध गतिविधि की पुष्टि नहीं हुई है।
घुमारवीं में 5 से 9 अप्रैल तक आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय ग्रीष्मोत्सव मेले की तैयारियों को लेकर उपमंडलाधिकारी गौरव चौधरी ने आज विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक में मेले की तैयारियों से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की गई और संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में जानकारी दी गई कि मेले का शुभारंभ शोभायात्रा से किया जाएगा, जबकि पशु मेले का आयोजन 4 अप्रैल को किया जाएगा। मेले के दौरान खेलकूद प्रतियोगिताओं, प्रश्नोत्तरी, बेबी शो और बुजुर्ग शो का भी आयोजन किया जाएगा। इन कार्यक्रमों को सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिए आवश्यक तैयारियों को अंतिम रूप देने पर जोर दिया गया। लोक निर्माण विभाग को मेला मैदान का समतलीकरण करने और मैदान तक सड़क सुविधा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। जल आपूर्ति और अस्थायी नल की व्यवस्था के लिए आईपीएच विभाग को आवश्यक कदम उठाने को कहा गया। विद्युत विभाग को मेले के दौरान निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। मेले में विभिन्न प्रकार की प्रदर्शनियाँ लगाई जाएंगी, जिसमें सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं की विस्तृत जानकारी आम जनता को दी जाएगी। साथ ही, अन्य विभागीय प्रदर्शनियों का भी आयोजन किया जाएगा। यातायात और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। अग्निशमन विभाग को भी मेले में तत्पर रहने और अपनी गाड़ियों की समय पर मरम्मत सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, ताकि किसी भी आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके। स्वास्थ्य और खाद्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए फूड एंड सेफ्टी विभाग को भी सतर्क रहने को कहा गया है। विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि मेले में लगे खाद्य स्टालों और दुकानों का समय-समय पर निरीक्षण किया जाए, ताकि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित की जा सके। इसके अतिरिक्त मेले को सामरिक रूप से समृद्ध बनाने के लिए आम जनता से भी आलेख आमंत्रित किए जाएंगे। यह आलेख मेले की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और सामाजिक पृष्ठभूमि को दर्शाने के साथ-साथ इसके महत्व को उजागर करेंगे। बैठक के दौरान सभी विभागों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया कि मेले की तैयारियाँ समय पर पूरी हों और आम जनता को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
** सभी दल मिल कर नशे के खिलाफ लड़े लड़ाई हिमाचल प्रदेश में नशे का कारोबार बढ़ता जा रहा है ओर नशे पर राजनीति भी गरमा गई है। विपक्षी दल इसको लेकर हमलवार है। वहीं कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता और ठियोग से विधायक कुलदीप राठौर ने इसको लेकर पलटवार किया है और राजनीतिक दलों को नशे पर राजनीति करने के बजाय नशे के खिलाफ लड़ाई लड़ने की नसीहत दी है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में नशे को लेकर अलार्मिंग स्थिति पैदा हो गई है और प्रदेश के गांव स्तर तक नशा खास कर चिट्टा तस्करों ने अपना जाल बिछा दिया है जिसके चलते आए दिन युवा मौत का ग्रास बन रहे हैं। सरकार और पुलिस विभाग इसको लेकर कार्रवाई कर रहा है और आए दिन नशे के तस्करों को पकड़ा जा रहा है लेकिन निचले लेवल के तस्करों को पुलिस पकड़ रही है । जबकि जो नशे के बड़े तस्कर है जहां से सप्लाई होता है वहां पर दबिश दी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि नशा तस्करी में कोई भी शामिल हो उसे नहीं बख्शा जाना चाहिए। वहीं राठौर ने नेता प्रतिपक जयराम ठाकुर के आरोपों पर भी पलटवार किया और कहा कि नेता प्रतिपक्ष नशे के कारोबार को लेकर अपनी चिंता जाता रहे हैं लेकिन यह नशा हिमाचल में एक महीने या 1 साल में नहीं फैला है बल्कि पिछले कई वर्षों से नशे का कारोबार चल रहा है यदि नेता प्रतिपक्ष अपने कार्यकाल के दौरान ही इस पर शक्ति से पेश आते तो आज के समय में नशा ग्रामीण स्तरों तक नहीं पहुंच पाता उन्होंने कहा कि नशे पर राजनीतिक दलों को राजनीति नहीं करनी चाहिए बल्कि अपना सहयोग देना चाहिए और अपने स्तर पर नशे के खिलाफ सभी को अभियान चलाना चाहिए सरकार भी महिला मंडल व अन्य स्थानों पर इसको लेकर जागरूकता अभियान शुरू करें ताकि आने वाली पीढ़ी को इस नशे के जाल से बचाया जा सके। उन्होंने कहा कि कोई भी कितना ही प्रभावशाली व्यक्ति क्यों ना हो यदि वे नशे के कारोबार में संकलित है उन्हें नहीं बक्शा जाना चाहिए वही दिल्ली में कांग्रेस को मिली हार को लेकर कुलदीप राठौर ने कहा कि दिल्ली के नतीजे कांग्रेस के पक्ष में नहीं आए हैं आल्हा का मन इसको लेकर गंभीर है और हार को लेकरचिंतन हो रहा है । उन्होंने कहा कि संगठन को मजबूत करने की जरूरत है यदि संगठन मजबूत नहीं है तो चुनाव नहीं जीते जा सकते हैं। दिल्ली में लोगों में आम आदमी पार्टी के प्रति रोज था और दिल्ली में भाजपा नहीं जीती है बल्कि लोगों ने आम आदमी पार्टी को सत्ता से बाहर किया है।
राजकीय छात्र वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुनिहार में सी एंड वी अध्यापक संघ जिला सोलन की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता राज्य अध्यक्ष दुर्गानंद शास्त्री और राज्य महासचिव देवदत्त ने की। इस बैठक में जिला अध्यक्ष सहित लगभग सभी खंडों के अध्यक्ष और उनकी कार्यकारिणी ने भाग लिया। बैठक में छात्र और अध्यापक हितों पर चर्चा की गई और नई कार्यकारिणी के गठन पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया। सभी खंड अध्यक्षों को सदस्य शुल्क पंजिका वितरित की गई। यह निर्णय लिया गया कि खंड स्तर के चुनाव 7 मार्च 2025 तक पूर्ण कर लिए जाएं। इसके बाद, जिला स्तर का चुनाव 23 मार्च 2025 को राजकीय छात्र वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय कुनिहार में आयोजित किया जाएगा। राज्य अध्यक्ष और राज्य महासचिव ने सभी खंडों को अग्रिम शुभकामनाएं दी और चुनावों को सद्भावनापूर्ण तरीके से संपन्न कराने की अपील की
उत्तर प्रदेश के गोसाईगंज थाना क्षेत्र के बासूपुर गांव के पास मंगलवार सुबह एक बड़ा हादसा हुआ। हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के श्रद्धालु, जो अयोध्या में रामलला के दर्शन करने के बाद बनारस के काशी विश्वनाथ दर्शन के लिए जा रहे थे, उनका टूरिस्ट वाहन बरौंसा-पापर मार्ग पर पुलिया से टकराकर गड्ढे में पलट गया। इस दुर्घटना में कुल 15 श्रद्धालु घायल हो गए। हादसे के तुरंत बाद घटनास्थल पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने तत्काल मौके पर पहुंचकर बस में फंसे श्रद्धालुओं को बाहर निकाला और उनकी मदद की। घायलों को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) जयसिंहपुर भेजा गया। सीएचसी प्रभारी डॉ. सुरेंद्र पटेल और उनकी टीम ने घायलों का इलाज किया, जबकि एक महिला श्रद्धालु सुषमा भारद्वाज को गंभीर हालत में मेडिकल कॉलेज सुलतानपुर रेफर किया गया। दुर्घटना के समय बस में कुल 22 लोग सवार थे, जिसमें से 15 लोग घायल हो गए। घायल श्रद्धालुओं में हिमाचल प्रदेश के शिमला शहर की अंजना शर्मा, चंद्रकांता, लक्ष्मी, गीता देवी, मत्ती देवी, केसरी देवी, प्रमिला देवी, शिल्पा, मायती देवी, वीरा देवी, उमा देवी, जेआर मुखिया, विनोद कुमार, देवेंद्र डोगरा और सुषमा भारद्वाज शामिल हैं। सभी घायलों को प्राथमिक उपचार देने के बाद उन्हें चाय भी पिलाई गई, और डॉक्टरों ने बताया कि सभी श्रद्धालु अब खतरे से बाहर हैं। घटना की सूचना पर पुलिस और प्रशासन के अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। एसडीएम जयसिंहपुर, शिवप्रसाद और तहसीलदार जयसिंहपुर, मयंक मिश्रा ने तत्काल राहत कार्य शुरू किया। उन्होंने श्रद्धालुओं के सामान को सुरक्षित किया और अस्पताल में घायलों का हालचाल लिया। सीओ कादीपुर विनय गौतम ने भी सीएचसी जयसिंहपुर में घायलों को बेहतर सुविधाएं देने के निर्देश दिए। एसडीएम जयसिंहपुर ने बताया कि प्रशासन श्रद्धालुओं की पूरी मदद कर रहा है और सभी घायलों को सही उपचार दिया जा रहा है।
दिनांक 03.02.2025 को एक शिकायतकर्ता ने महिला पुलिस थाना सोलन में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी कि उनकी 16 वर्षीय बेटी, जो 10वीं कक्षा में पढ़ाई कर रही थी, घर से यह कहकर सत्संग के लिए गई थी कि वह जा रही है, लेकिन वह वापस नहीं लौटी। इसके बाद, महिला पुलिस थाना सोलन और जिला साईबर टीम ने लड़की की तलाश में तकनीकी डिटेल का गहनतापूर्वक विश्लेषण किया। इस दौरान 10.02.2025 को गुमशुदा नाबालिग को उत्तर प्रदेश के शाहजांहपुर से बरामद किया गया और उसे सुरक्षित रूप से उसके परिजनों के हवाले कर दिया गया। जांच में यह सामने आया कि लड़की सत्संग के बहाने घर से बाहर गई थी और बिना किसी को बताए अपनी एक मित्र के पास शाहजांहपुर चली गई थी। मामले की जांच जारी है।
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में अवैध खनन पर कार्रवाई के दौरान खनन माफिया ने एसडीएम सदर और आईएएस अधिकारी ओम कांत ठाकुर पर हमला कर दिया। यह घटना सोमवार को विन्दरावनी इलाके में हुई, जहां अधिकारी कार्रवाई के लिए पहुंचे थे। हमले में एसडीएम का एक दांत टूट गया और उन्हें अन्य चोटें भी आई हैं। घायल अधिकारी को इलाज के लिए तुरंत अस्पताल ले जाया गया। हमले की जानकारी मिलते ही डीसी मंडी अपूर्व देवगन, एडीएम रोहित राठौर एएसपी मंडी, और अन्य अधिकारी अस्पताल पहुंचे और घायल अधिकारी का हालचाल जाना। पुलिस ने बताया कि हमले में शामिल एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। वहीं, दो अन्य फरार हो गए हैं, जिनकी तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही बाकी आरोपियों को भी पकड़ लिया जाएगा। डीसी मंडी अपूर्व देवगन ने इस घटना की कड़ी निंदा की है।
अगामी 12 फरवरी को गुरु रविदास जी प्रकाशोत्सव के 648 वें जयंती के उपलक्ष्य पर 10 फरवरी सोमवार को गुरु रविदास जी महासभा सभा नंगल चौक(नंगल बंडा)) की ओर से शोभायात्रा निकाली गई। गुरु रविदास महासभा के अध्यक्ष गुरदास राम व उपाध्यक्ष राजेंद्र सिंह गोगा की अगुवाई में आयोजित हुई। इस कार्यक्रम में दर्जनों गाडि़यो के काफिले सहित सैकड़ों भक्तों ने गुरुद्वारा नंगल बंडा हिस्सा लिया। यह शोभा यात्रा सुबह प्रात: 10:00 बजे आरम्भ हुई। जो चनौर ढलियारा नैहरनपुखर दयाल से वापस बढल, जंबल बस्सी, नंगल चौंक से डाडा सीबा पेट्रोल पंप तक गुरु रविदास का गुणगान करती गई। काफी संख्या में लोग इस शोभायात्रा में शामिल हुए। इस दौरान सबके लिए भणडारे का भी आयोजन गांव कलेहड़ में प्यार चंद के घर में किया गया जिसमें सैंकड़ों श्रद्धालुओं ने भंडारे का प्रसाद ग्रहण किया। आगामी 12 फरवरी को गुरु रविदास जी की जयंती के उपलक्ष्य में गुरुद्वारा नंगल बंडा में रागी जत्थे द्वारा भजन कीर्तन व गुरु रविदास जी महाराज की महिमा का गुणगान किया जाएगा और दोपहर के बाद भक्तों के लिए भंडारे का आयोजन भो होगा।
समकालीन कलाकार मनीष कुमार गोंड ( सहायक प्रोफेसर, दृश्य कला विभाग ) को राज्य ललित कला अकादमी उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित प्रयागराज महाकुंभ 2025 में अखिल भारतीय राष्ट्रीय पुरस्कार से कलाकृति शीर्षक "हिमाचल कल्चरल लेगेसी - 1" को पचास हजार रुपये नकद धनराशि , प्रमाण पत्र एवं स्मृति चिन्ह से दिनाँक 8 फ़रवरी 2025 को लखनऊ में सम्मानित किया गया। बता दें कि मनीष कुमार गोंड हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय, देहरा परिसर के दृश्य कला विभाग में सहायक प्रोफेसर के पद पर हैं और हिमाचल प्रदेश के युवा कलाकारों में समकालीन चित्रकला के विशेषज्ञ हैं, विगत कई वर्षों से हिमाचल प्रदेश की गद्दी संस्कृति पर आधारित शोधकार्य करते हुए चित्रनिर्मित कर रहे हैं और चित्रकला के क्षेत्र में कई सारे राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त कर चुके हैं एवं विगत वर्ष ही माननीय राष्ट्रपति द्वारा भी राष्ट्रपति भवन में सम्मानित किए गए हैं। गौरतलब हो कि पिछले 13 जनवरी 2025 से 26 फरवरी 2025 तक प्रयागराज महाकुम्भ चल रहा है जिसमे राज्य ललित कला अकादमी द्वारा अखिल भारतीय कला प्रदर्शनी आयोजित किया जिसका विषय महाकुम्भ और भारतीय संस्कृति दिया गया था जिसके हेतु पूरे देश भर से आवेदन आये और उसमें से 10 कलाकारों के कलाकृतियों को पुरस्कृत किया जाना था जिसमे प्रथम पुरस्कार हिमाचल प्रदेश के केंद्रीय विश्वविद्यालय के चित्रकला के सहायक प्रोफेसर मनीष कुमार गोंड को मिला। इनके द्वारा बनाई गई चित्र हिमाचल प्रदेश के समृद्धशाली गद्दी संस्कृति पर आधारित थी| जिसमें हिमाचल प्रदेश की गद्दी संस्कृति की सुंदरता सौम्यता और भव्यता को दर्शाया गया है। । इस पुरस्कार से सम्मानित होने एवं विश्वविद्यालय का नाम रोशन करने पर सहायक प्रोफेसर मनीष कुमार गोंड को विश्वविद्यालय के मुखिया माननीय कुलपति प्रोफेसर सत प्रकाश बंसल जी, कुलसचिव प्रो. सुमन शर्मा, अधिष्ठाता अकादमिक प्रो. प्रदीप कुमार व विभागाध्यक्ष तथा अन्य संकाय सदस्यों ने शुभकामनाएं एवं बधाईयां दी।
हिमाचल प्रदेश राज्य बिजली बोर्ड में विभिन्न श्रेणियों के 706 पदों को समाप्त किया गया है. इसे लेकर बोर्ड प्रबंधन की ओर से आदेश जारी किए गए हैं. इन आदेशों के विरोध में बिजली बोर्ड के कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। आज सोमवार से प्रदेश भर में विद्युत काले बिल्ले लगाकर कार्य करेंगे ।वहीं दूसरी ओर अब आंदोलन के तहत कर्मियों ने वर्क टू रूल के तहत कार्य कार्य का आगाज कर दिया है।अब कर्मी नियमों के तहत केवल आठ घण्टे की ड्यूटी करेंगे। शिमला स्थित बिजली बोर्ड के मुख्य कार्यालय सहित विद्युत मंडलों व उप मंडलों में कार्यरत इंजीनियर, तकनीकी कर्मचारियों सहित अन्य सभी कर्मचारी काले बिल्ले लगाकर काम कर रहे है।वहीं कल आंदोलन के तहत हमीरपुर में महापंचायत का आयोजन किया जा रहा है। हिमाचल प्रदेश बिजली बोर्ड कर्मचारी संघ के महासचिव व ज्वाइंट फ्रंट के सह संयोजक हीरा लाल वर्मा ने बताया कि सोमवार से कर्मचारियों ने आंदोलन के तहत वर्क टू रूल कार्य करने का फैसला लिया है। इसके तहत बिजली बोर्ड के इंजीनियर और कर्मचारी अब 8 घंटे ही अपनी सेवाएं देंगे. इस अवधि के दौरान जो भी कर्मचारी व अधिकारी का संबधित कार्य होगा, केवल वही किया जाएगा. उन्होंने कहा कि आठ घंटे का समय पूरा होने के बाद बिजली बोर्ड के कर्मचारी अपनी सेवाएं नहीं देंगे. हीरा लाल वर्मा ने बताया कि कर्मचारी सरकार के कर्मचारी फैसले का विरोध कर रहे हैं. ये विरोध उस समय तक जारी रहेगा जब तक सरकार अपना फैसला वापिस नही करती और वार्ता के लिए नही बुलाती . सरकार कर्मचारी विरोधी फैसले ले रही है. आज तक किसी भी सरकार ने इस तरह के फैसले नहीं लिए थे. ऐसे में इंजीनियर और कर्मचारी आज से काले बिल्ले लगाकर सरकार के फैसले का विरोध करेंगे.उन्होंने कहा कि वह सरकार का विरोध नही कर रहे अपितु अगर कोई पद समाप्त किये जाने हैं तो उस विषय पर कर्मचारियों से चर्चा की जाए साथ ही महत्वपूर्ण जो पद हैं उन्हें समाप्त न किया जाए ।विभाग में अनेक पद रिक्त पड़े हैं उनके ऊपर चर्चा कर उन्हें शीघ्र भरा जाए साथ ही OPS भी कर्मियों को दी जाए।उन्होंने कहा कि कल से हमीरपुर में महापंचायत का आयोजन किया जा रहा है।इसमे उपभोक्ता भी भाग लेंगे।उन्होंने कहा सभी जगह इस प्रकार की पंचायतों का आयोजन किया जाएगा और अगर सरकार वार्ता के लिए नही बुलाती तो कर्मियों को बड़ा कदम उठाने के लिए विवश होना पड़ेगा।
हिमाचल प्रदेश में एक बार फिर दो दिनों तक मौसम खराब रहने वाला है. हिमाचल प्रदेश की ऊंचाई वाले क्षेत्रों में 2 दिनों तक पश्चिमी विक्षोभ का असर देखने को मिलेगा. इस दौरान जिला चंबा, कुल्लू, लाहौल स्पीति और किन्नौर में हल्की बारिश देखने को मिल सकती है. साथ ही जिला शिमला के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भी हल्की बारिश देखने को मिल सकती है. हालांकि अन्य स्थानों पर केवल बादल छाए रहेंगे और बारिश या बर्फबारी जैसे कोई भी असर देखने को नहीं मिलेंगे.मौसम वैज्ञानिक शोभित कटियार ने बताया कि एक पश्चिमी विक्षोभ अफगानिस्तान और पाकिस्तान के ऊपर बना हुआ है, जिसका असर हिमाचल प्रदेश के ऊंचाई वाले जिले चंबा, कुल्लू लाहौल स्पीति और किन्नौर में देखने को मिलेगा. इससे शिमला जिला के ऊंचाई वाले इलाकों में भी हल्की बर्फबारी देखने को मिल सकती है. हालांकि शहर पर बादल छाए रहेंगे. लेकिन, बारिश और बराबरी की कोई भी संभावना नहीं है. शोभित कटियार ने बताया कि इसके बाद अगले तीन दिनों तक मौसम पूरी तरह शुष्क बना रहेगा. इसके बाद 14 और 15 फरवरी को लाहौल स्पीति, कांगड़ा और चंबा के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में दूसरा पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा. साथ ही 17, 18 और 19 फरवरी को हिमाचल प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों पर तीसरा पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा. इसका प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में बारिश देखने को मिलेगी. कटियार ने बताया कि अधिकतम और न्यूनतम तापमान सामान्य से अधिक चल रहे है, जो आने वाले दिनों में सामान्य हो जाएंगे.
उपमंडल ज्वालामुखी की तहसील खुंडियां गांव कलाई के पूर्व सैनिक हवलदार लाल सिंह के 98वें जन्मदिन पर सोमवार को इलाके के पूर्व सैनिक तथा गांव वासी एकत्रित हुए तथा जन्म दिन की शुभ कामनाएं दी। पूर्व सैनिक लीग के चेयरमैन रिटायर्ड कर्नल एम एस राणा ने बताया कि लाल सिंह का जन्म 10 फरवरी 1927 हो हुआ था। उन्नीस वर्ष की आयु में 1946 में सेना की 9 पंजाब में भर्ती हुए थे तथा 1948, 1962 व 1965 युद्धों का हिस्सा लेने उपरांत 1966 में सेवानिवृत हुए थे। इस अवसर पर इलाके के कैप्टन कर्म सिंह, कैप्टन कश्मीर, सूबेदार कश्मीर, हवलदार जगदीश, हवलदार विनोद आदि उपस्थित रहे।
**हिमाचल बीजेपी के नए प्रदेश अध्यक्ष के लिए काउंटडाउन शुरू दिल्ली चुनाव खत्म होने के साथ ही हिमाचल बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष के लिए काउंटडाउन शुरू हो गया है।माना जा रहा है कभी भी नए अध्यक्ष की ताजपोशी हो सकती है। करीब एक दर्जन नेताओं के नामों को लेकर अटकलें है लेकिन माहिर मान रहे है कि इस बार अध्यक्ष पद के लिए कांगड़ा का 35 साल का इंतज़ार खत्म हो सकता है।कांगड़ा से आखिरी बार 1986 से 1990 तक शांता कुमार बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष रहे। इसके बाद पार्टी ने किसी अन्य नेता को मौका नहीं दिया। ऐसे में इस बार सबसे ज्यादा 15 सीटों वाले जिले को कमान मिल सकती है। कांगड़ा से लोकसभा सांसद राजीव भारद्वाज, राज्यसभा सांसद इंदु गोस्वामी, विधायक विपिन परमार और विधायक बिक्रम ठाकुर के नाम मुख्य तौर पर चर्चा में बने हुए है, हालांकि मौजूदा दौर में बीजेपी को लेकर अधिकांश पूर्वानुमान गलत साबित होते है और पार्टी अक्सर अप्रत्याशित फैंसलों से चौंकाती है । ऐसे में ये देखना भी रोचक होगा कि क्या फिर बीजेपी कोई सरप्राइज लेकर सामने आएगी। बहरहाल बात कांगड़ा से ताजपोशी की संभावनाओं की करें तो सीटों के लिहाज से तो ये जिला सबसे वजनदार है। इतिहास गवाह है हिमाचल की सत्ता पर वो ही काबिज होता है जो कांगड़ा में इक्कीस रहता है। मौजूदा वक्त में इसी कांगड़ा से बगावत की सुगबुगाहट भी है। ऐसे में इसी जिला से अध्यक्ष देकर बीजेपी चाहेगी कि संभावित बगावत को फ्यूज कर दिया। माहिर मान रहे है कि बेशक चेहरा को भी हो, पर इस बार कांगड़ा का दावा सबसे मजबूत है।
बदंर को मारने के लिए चली थी गोली लेकिन गोली जाकर एक युवती को लग गई। जिससे वो गंभीर रूप से घायल हो गई। हिमाचल प्रदेश के सरकाघाट उपमंडल के कठोगण गांव में 28 जनवरी को हुई गोलीबारी के मामले में अब पुलिस हेड कांस्टेबल मनोज ठाकुर पर आरोप लगे हैं। यह आरोप उनके ही रिश्तेदारों ने लगाए हैं। युवती प्रमिला के माता-पिता, रामदीत्ता और मंशा देवी ने लिखित शिकायत में दावा किया है कि मनोज ठाकुर ने उनकी बेटी पर गोली चलाई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई और उसे पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। घटना के अनुसार, 28 जनवरी को प्रमिला अपने घर के आंगन में काम कर रही थी, तभी किसी ने बंदरों को भगाने के लिए गोली चलाई। गोली का एक छर्रा युवती को लग गया, जिससे वह घायल हो गई। शुरुआत में पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया था, लेकिन अब युवती के माता-पिता ने मनोज ठाकुर पर गोली चलाने का आरोप लगाते हुए पुनः शिकायत दी है। प्रमिला की मां मंशा देवी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वह आरोप लगा रही हैं कि मनोज ठाकुर ने गोली चलाई थी और घटना के बाद वह चंडीगढ़ जाकर अपनी गलती मानते हुए मदद करने की पेशकश भी कर रहे थे। मंशा देवी ने पुलिस से मनोज ठाकुर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और इस संबंध में आगामी कार्रवाई की जा रही है।
बीजेपी और आप के बीच दिल्ली में सिर्फ 1.99 प्रतिशत वोट शेयर का अंतर रहा लेकिन सीटों के लिहाज से देखे ये तो अंतर 26 सीटों का है। आंकड़े साफ़ बताते है की दिल्ली में बीजेपी का चुनाव मैनेजमेंट शानदार रहा है और इसका श्रेय पार्टी के संगठन को भी जाता है । दरअसल, दिल्ली विधानसभा चुनाव में बीजेपी की इस शानदार जीत के पीछे संगठन मंत्री पवन राणा की भी बड़ी भूमिका रही है। अप्रैल 2023 में बीजेपी ने उन्हें दिल्ली का जिम्मा सौपा था और उसके बाद से ही दिल्ली में लगातार बीजेपी का संगठन मजबूत होता दिखा। बीजेपी संगठन में पन्ना प्रमुख मॉडल की शुरुआत करने वाले पवन राणा अपने पॉलिटिकल माइक्रो मैनेजमेंट के लिए जाने जाते है और दिल्ली में राणा का ये ही माइक्रो मैनेजमेंट बीजेपी की सबसे बड़ी ताकत बना। मसलन, बीजेपी ने दिल्ली में मंदिर प्रकोष्ठ शुरू किया और दिल्ली के करीब पंद्रह हजार मंदिरों को इस प्रकोष्ठ से जोड़ा गया। इसका बीजेपी को अच्छा लाभ हुआ है। माना जा रहा है आने वाले दिनों में अन्य राज्यों में भी इसे अपनाया जा सकता है। वहीं, झुग्गी बस्ती सम्मलेन जैसे अभियानों का जमीनी असर भी खूब दिखा। केजरीवाल के झुग्गी वोट को तोड़ने के लिए बीजेपी चुनाव से कई महीने पहले झुग्गी क्षेत्रों में प्रो. एक्टिव दिखी। न सिर्फ झुग्गी प्रधानों को पार्टी के साथ जोड़ा गया, बल्कि खुद गृह मंत्री अमित शाह के साथ उनका संवाद करवाया गया। इसके अलावा चाहे उत्तराखण्ड हो, हिमाचल या फिर पूर्वांचल के वोटर इनके प्रभाव वाली सीटों पर इस मर्तबा बीजेपी का माइक्रो मैनेजमेंट साफ़ दिखा। इन राज्यों से सम्बन्ध रखने वाले नेताओं को कोंस्टीटूएंसी टू कोंस्टीटूएंसी जिम्मा सौंपा गया और इसका भी बीजेपी को फायदा मिला।
हिमाचल: बिजली बोर्ड में 706 पद खत्म करने पर इंजीनियर-कर्मचारी नाराज, आज काले बिल्ले लगाकर देंगे सेवा
हिमाचल प्रदेश राज्य बिजली बोर्ड में 706 पदों को समाप्त करने का आदेश जारी किया है, जिससे कर्मचारियों में गहरी नाराजगी फैल गई है। इस निर्णय के विरोध में बिजली बोर्ड के कर्मचारी आज से काले बिल्ले पहनकर काम करने का निर्णय लिया है। शिमला स्थित मुख्य कार्यालय सहित राज्य के अन्य विद्युत मंडल और उप मंडल में कार्यरत इंजीनियर, तकनीकी कर्मचारी और अन्य कर्मचारी भी इस विरोध में शामिल होंगे।यह निर्णय कर्मचारियों के लिए एक बड़ा झटका साबित हो रहा है, क्योंकि बोर्ड पहले ही कर्मचारियों की कमी से जूझ रहा था। अब, 706 पदों की समाप्ति के कारण कार्यभार बढ़ने से कर्मचारियों पर दबाव और अधिक बढ़ गया है। इसी कारण, कर्मचारियों ने वर्क-टू-रूल आंदोलन शुरू करने का ऐलान किया है, जिसमें वे केवल निर्धारित समय तक ही काम करेंगे।अगर सरकार ने अपने फैसले को वापस नहीं लिया, तो कर्मचारियों ने राज्यभर में बड़े पैमाने पर विरोध और हड़ताल की चेतावनी दी है। इस मुद्दे पर 11 फरवरी को हमीरपुर में पंचायत आयोजित की जाएगी, और इसके बाद अन्य जिलों में भी विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे।
सोलन जिले में एक बार फिर वायरल बुखार और सर्दी-खांसी का कहर बढ़ता जा रहा है, खासकर महाकुंभ से लौटने वाले श्रद्धालुओं में इसका असर ज्यादा दिखाई दे रहा है। स्वास्थ्य विभाग को चिंता है कि यदि यह हालात बने रहे तो मरीजों की संख्या में और वृद्धि हो सकती है। अस्पतालों में स्थिति यह हो गई है कि एक बेड पर दो-दो मरीजों का इलाज किया जा रहा है, जबकि ओपीडी में लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। विभाग ने अब एडवाइजरी जारी कर गर्म पदार्थों के सेवन और एहतियात बरतने की सलाह दी है। वहीं, शुष्क ठंड भी वायरल संक्रमण के बढ़ने का एक कारण बन रही है।
सिरमौर जिले के संगड़ाह उपमंडल मुख्यालय पर क्षेत्र के पत्रकारों द्वारा पंजीकृत प्रेस क्लब के कार्यालय का उद्घाटन हिमाचल प्रदेश विधानसभा उपाध्यक्ष एवं स्थानीय विधायक विनय कुमार द्वारा किया गया। इस अवसर पर विधानसभा उपाध्यक्ष ने मीडिया की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर देते हुए कहा कि मीडिया सरकार और आम जनता के बीच सेतु का काम करता है और समाज की बड़ी जिम्मेदारी निभाता है। विधानसभा उपाध्यक्ष ने पत्रकारिता के उच्च मानकों की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि पत्रकारों को समाज में जागरूकता फैलाने के साथ-साथ अपनी जिम्मेदारी निभानी चाहिए। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि संगड़ाह में प्रेस क्लब भवन निर्माण के लिए शीघ्र ही सरकारी भूमि उपलब्ध कराई जाएगी और इसके बाद हिमाचल प्रदेश सूचना एवं जनसंपर्क विभाग से वित्तीय प्रावधान भी किया जाएगा। प्रेस क्लब के अध्यक्ष हेमंत कुमार ने इस अवसर पर विधानसभा उपाध्यक्ष का स्वागत करते हुए मीडिया की समाज में जागरूकता फैलाने और क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि स्वतंत्र पत्रकारिता क्षेत्र की समस्याओं को उजागर करने में अहम भूमिका निभाती है। प्रेस क्लब संगड़ाह के मुख्य संयोजक मेला राम शर्मा ने लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में मीडिया की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि पत्रकारों को निष्पक्ष रूप से अपनी जिम्मेदारी निभानी चाहिए ताकि समाज का विश्वास बना रहे। उन्होंने पत्रकारों से तथ्यों पर आधारित पत्रकारिता करने की अपील की, ताकि पत्रकारिता के उच्च मूल्य बनाए जा सकें। इस अवसर पर संगड़ाह के एसडीएम सुनील कायथ, डीएसपी मुकेश डडवाल, विभिन्न विभागों के अधिकारी, राजनीतिक दलों के पदाधिकारी, व्यापार मंडल के अध्यक्ष और समाज के विभिन्न वर्गों से सैकड़ों लोग उपस्थित थे।
इंदौरा/शम्मी धीमान: उपमंडल इंदौरा के भदरोया में एक महिला चिट्टा तस्कर को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। शनिवार शाम करीब 5 बजे, एसपी नूरपुर अशोक रत्न द्वारा जारी प्रेस रिलीज में बताया गया कि पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर भदरोया स्थित एक घर पर छापा मारा और वहां से 62.90 ग्राम चिट्टा बरामद किया। घर की मालकिन रजनी बाला, पत्नी अक्षय कुमार, निवासी भदरोया को पुलिस ने गिरफ्तार किया। यह महिला तस्कर पहले भी डमटाल पुलिस थाना में दर्ज मामले में शामिल रही है। पुलिस ने इस तस्करी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में लिया है।
दिल्ली भाजपा की जीत में हिमाचली सपूतों का अहम योगदान -दिल्ली चुनावों में नड्डा के नेतृत्व में अनुराग ठाकुर ने निभाई अहम भूमिका दिल्ली की सत्ता से भारतीय जानता पार्टी का 27 साल का सूखा ख़त्म हो गया. भारतीय जानता पार्टी ने पूर्ण बहुमत के साथ दिल्ली में वापसी की है. हिमाचल भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश सह मीडिया प्रभारी सुकृत सागर ने इस भव्य जीत पर दिल्ली वासियों व हिमाचल भाजपा के कार्यकर्ताओं को बधाई देते हुए कहा कि दिल्ली में लोभ- लालच व भ्रष्टाचार की राजनीति को उखाड़ फेंकने में हिमाचल से संबंधित भाजपा के वरिष्ठ नेताओं का अहम योगदान रहा है सुकृत ने कहा कि दिल्ली की जनता को कुशासन व कुव्यवस्था से मुक्ति मिली है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा जी के नेतृत्व में हमीरपुर के सांसद व पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने दिल्ली चुनावों में दिन रात मेहनत कर चुनावी हवा को भाजपा के पक्ष में करने का काम किया अनुराग ठाकुर के साथ बहुत से हिमाचली कार्यकर्ताओं ने दिल्ली चुनाव में बिना थके प्रचार किया. सुकृत ने कहा कि अनुराग ठाकुर इससे पहले भी उतर प्रदेश, जम्मू कश्मीर व अन्य राज्यों में अपनी संगठनात्मक कुशलता का लोहा मनवा चुके है भी इसके साथ ही हिमाचल से संबंध रखने वाले दिल्ली भाजपा के संगठन मंत्री पवन राणा वहाँ लंबे समय से संगठन के ताने- बाने को मजबूत कर रहे थे जिसके परिणामस्वरुप आज यह नतीज़ें आएँ है
हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में अब शिक्षकों के लिए ड्रेस कोड लागू करने की योजना तैयार हो रही है। नए शैक्षणिक सत्र से इसे लागू किया जा सकता है, और इससे पहले कुछ स्कूलों ने अपने स्तर पर शिक्षकों के लिए यह कोड शुरू भी किया है। शिक्षा सचिव राकेश कंवर का कहना है कि शिक्षक विद्यार्थियों के रोल मॉडल होते हैं, और उनके पहनावे तथा व्यवहार का बच्चों पर सीधा असर पड़ता है। यही वजह है कि कई स्कूलों में इस दिशा में बदलाव देखा गया है। बीते साल प्रदेश में स्वैच्छिक ड्रेस कोड लागू किया गया था, जिसे शिक्षकों के आग्रह पर शुरू किया गया था। अब इसे सभी स्कूलों में अनिवार्य करने की योजना बन रही है। इस ड्रेस कोड में शिक्षकों के लिए फॉर्मल ड्रेस और शिक्षिकाओं के लिए साड़ी या साधारण सूट-सलवार का चयन हो सकता है। इसके तहत, शिक्षकों को स्कूल में फैशनेबल कपड़े पहनकर आने से भी रोका गया है, जो पहले से ही लागू है। राज्य सरकार ने इस पहल को लेकर अन्य राज्यों के ड्रेस कोड का अध्ययन करना शुरू कर दिया है और विशेषज्ञों से राय ली जाएगी।
सुप्रीम कोर्ट ने हिमाचल प्रदेश में आउटसोर्स के माध्यम से होने वाली भर्तियों पर एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है, जिससे राज्य सरकार को फिलहाल राहत मिली है। सुप्रीम कोर्ट ने हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय के आदेशों पर अंतरिम रोक लगा दी है और सरकार को इस मामले में जवाब देने के लिए चार सप्ताह का समय दिया है। इस आदेश का सुनवाई सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश संजय करोल और न्यायाधीश केवी विश्वनाथन की खंडपीठ ने की। हिमाचल सरकार की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने इस मामले में अदालत में अपनी बात रखी। उन्होंने बताया कि हिमाचल हाईकोर्ट ने 7 नवंबर 2024 को प्रदेश में आउटसोर्स पॉलिसी के तहत होने वाली भर्तियों पर रोक लगा दी थी। कोर्ट ने सरकार से यह भी कहा था कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने के लिए उचित नियम बनाए जाएं। इसके बाद, राज्य सरकार ने इस रोक को हटाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की और अदालत के आदेशों के पालन के लिए एक हलफनामा प्रस्तुत किया। हालांकि, 8 जनवरी 2025 को उच्च न्यायालय ने सरकार की अर्जी को खारिज कर दिया, जिसमें रोक हटाने की मांग की गई थी। कोर्ट ने बताया कि वेकेशन के कारण केवल अति महत्वपूर्ण मामलों की सुनवाई हो रही है। इसके बाद, सरकार ने इस आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की। यह मामला वर्ष 2022 में दायर एक याचिका से जुड़ा हुआ है, जिसमें आउटसोर्स भर्तियों की प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी पर सवाल उठाए गए थे। याचिका में यह आरोप लगाया गया था कि राज्य के विभिन्न विभागों में आउटसोर्स के तहत भर्तियां बिना पारदर्शिता के की जा रही हैं और कारपोरेशन के तहत रजिस्टर्ड कंपनियां भी कटघरे में हैं। उच्च न्यायालय ने यह भी आदेश दिया कि स्वास्थ्य विभाग में आउटसोर्स के तहत नियुक्तियां स्वीकार नहीं की जाएं और विभाग को स्थायी नियुक्तियों के लिए प्रक्रिया शुरू करनी चाहिए।
सोलन पुलिस ने 09 लोहे की प्लेटे चोरी करने वाले तीन चोरों को सोलन पुलिस ने किया गिरफ्तार कर लिया है। बीते 19 दिसंबर को हाश्मदीन निवासी जाडली डा०खा० पटटा बरौरी तह० व जिला सोलन हि०प्र० ने पुलिस थाना कुनिहार में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी कि वे अपने मकान में डंगा लगवा रहे थे और 18 दिसंबर 2025 को शटरिंग के लिए 09 लोहे की प्लेटें लगाईं थीं। 19 दिसंबर 2025 को जब वे उक्त स्थान पर पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि शटरिंग की प्लेटें गायब थीं। उन्होंने खुद भी तलाश की, लेकिन प्लेटें कहीं नहीं मिलीं। उन्होंने आशंका जताई कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने रात के समय चोरी कर ली हैं। चोरी गई प्लेटों की कीमत लगभग ₹22,000/- रुपये थी। इस पर पुलिस ने मामला दर्ज किया और जांच शुरू की। पुलिस थाना कुनिहार की टीम ने मामले की जांच के दौरान 7 फरवरी 2025 को राकेश उर्फ बटू को गिरफ्तार किया, जिसने बताया कि इस वारदात में उसके साथ दो और लोग शामिल थे। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 8 फरवरी 2025 को इन दो अन्य आरोपियों—अमन और भानू को गिरफ्तार किया। तीनों आरोपियों को आज, 8 फरवरी 2025 को अदालत में पेश किया गया, और चोरी की गई संपत्ति की बरामदगी की कार्रवाई जारी है। जांच के दौरान यह भी पता चला कि आरोपी राकेश उर्फ बटू और अमन पहले भी अपराधों में शामिल रहे हैं। राकेश उर्फ बटू के खिलाफ जिला सोलन के विभिन्न थानों में 5 मामले दर्ज हैं, जिनमें 4 चोरी के और 1 धारा 224 भा०द०स0 का मामला शामिल है। ये मामले कसौली, दाडलाघाट, कंडाघाट और अर्की थानों में दर्ज हैं। वहीं, आरोपी अमन के खिलाफ पुलिस थाना सायरी में धारा 126(2), 352, 351 BNS के तहत मामले दर्ज हैं।पुलिस की टीम द्वारा मामले की जांच जारी है, और चोरी हुई संपत्ति की बरामदगी की कार्रवाई की जा रही है।
सोलन पुलिस लगातार नशा तस्कर पर शिकंजा कसने के लिए कान रही है और इसी कड़ी में सोलन पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। दरअसल बीते 3 नवम्बर को सोलन पुलिस की विशेष अन्वेषण ईकाई (SIU) ने गश्त के दौरान सनवारा टोल प्लाजा के पास दो आरोपियों, वर्तिक चौहान और राहुल दीवान को 16 ग्राम चिट्टा/हैरोइन के साथ गिरफ्तार किया था। इन दोनों आरोपियों से की गई पूछताछ और उनके मोबाइल फोन के विश्लेषण के बाद यह पता चला कि उन्होंने नशे का सामान सिरसा निवासी विजय सोनी से खरीदा था। पुलिस ने विजय सोनी की तलाश तेज़ कर दी और उसकी लगातार तकनीकी निगरानी शुरू कर दी। आरोपी विजय सोनी, जो पंजाब और हरियाणा में नशे का सामान सप्लाई करता था, अपनी गिरफ्तारी से बचने के लिए अपने मोबाइल फोन, सिम और लोकेशन को बार-बार बदलता था। वह अपने नेटवर्क से केवल वॉट्सएप कॉल्स करता था और अस्थायी वाई-फाई कनेक्शन का इस्तेमाल करता था। साइबर सेल सोलन की टीम ने उसकी गतिविधियों पर गहरी नजर रखी और 7 फरवरी 2025 को उसे सेक्टर 9, खरड़, पंजाब में ट्रेस किया। 8 फरवरी 2025 को सोलन पुलिस ने विजय सोनी को गिरफ्तार किया। जांच में यह सामने आया कि विजय सोनी लंबे समय से नशे के कारोबार में संलिप्त था और हिमाचल प्रदेश के कई जिलों में युवाओं को नशे की सप्लाई करता था। आरोपी विजय सोनी ने नशे के कारोबार से काफी संपत्ति अर्जित की थी, जिसकी अब पुलिस जांच कर रही है। शातिर माफिया आरोपी विजय सोनी के ख़िलाफ़ अभी तक नशा तस्करी के मामले पंजाब हरियाणा और हिमाचल राज्यों में पंजीकृत पाए गए हैं।जिनमे 5 मामले हरियाणा के सिरसा जिला में , 2 मामले हरियाणा के फतेहाबाद जिला में, 1 मामले पंजाब के मोहाली जिला में, 3 मामले ठियोग में और 2 मामले शिमला शहर में दर्ज हैं पुलिस ने बताया कि आरोपी को 9 फरवरी 2025 को अदालत में पेश किया जाएगा। इस मामले की जांच अभी भी जारी है।
** संघर्ष तेज़ करने की दी चेतावनी **वायदे पूरे करने की उठाई मांग हिमाचल प्रदेश में करुणामूलक संघ ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व वाली सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए वादाखिलाफी के आरोप लगाए हैं। संघ की उपाध्यक्ष बॉबी शुर्टा ने कहा कि चुनाव के समय कांग्रेस ने हर मंच से करुणामूलक समुदाय के लिए वादे किए थे, लेकिन अब सरकार के दो साल के कार्यकाल के बाद भी कोई वादा पूरा नहीं किया गया है। बॉबी शुर्टा ने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार और उप-मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने चुनाव के समय करुणामूलक की मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया था। हालांकि, सत्ता में आने के दो साल से ज्यादा समय हो चुका है, लेकिन अब तक करुणामूलक को भारतीय मान्यता प्राप्त नहीं हो पाई है। उन्होंने यह भी बताया कि पूर्व भाजपा सरकार ने भी करुणामूलक समुदाय की अनदेखी की थी। इस मुद्दे को लेकर करुणामूलक संघ ने 432 दिनों तक अनशन किया, जोकि किसान आंदोलन से भी लंबा था। बॉबी शुर्टा ने उप-मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री पर भी वादाखिलाफी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि मुकेश अग्निहोत्री ने हर मंच से करुणामूलक समुदाय के लिए स्थाई नीति बनाने और उनकी मांगों को पूरा करने का वादा किया था, लेकिन अब तक कोई कदम नहीं उठाया गया है। शुर्टा ने यह भी बताया कि प्रदेश में 3,234 करुणामूलक परिवारों के मामलों पर फैसला नहीं हुआ है। इन परिवारों के सदस्य सरकार को अपनी सेवाएं दे चुके हैं, और अब यह उनकी अधिकारों और स्वाभिमान की लड़ाई बन चुकी है।उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सरकार उनकी मांगों को पूरा नहीं करती है, तो संघ अपने संघर्ष को और तेज़ करेगा।
शनिवार की सुबह महाकुंभ से स्नान करके लौट रहे हिमाचल प्रदेश के श्रद्धालुओं से भरी एक मिनी टूरिस्ट बस बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे में ट्रक से टकरा गई। इस दर्दनाक हादसे में दो श्रद्धालुओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 11 अन्य घायल हो गए, जिनमें दो की हालत नाजुक बताई जा रही है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सभी घायलों को राठ सीएचसी में भर्ती कराया और मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। यह हादसा शनिवार की सुबह लगभग 6 बजे हुआ, जब मिनी बस, जो कांगड़ा जिले के थाना बैजनाथ क्षेत्र के श्रद्धालुओं से भरी हुई थी, एक्सप्रेसवे में खराब खड़े ट्रक से टकरा गई। ट्रक में मौरंग भरी हुई थी। इस हादसे में मिनी बस का अगला हिस्सा बुरी तरह से चकनाचूर हो गया। मृतकों में 60 वर्षीय निर्मला उर्फ गुड्डी देवी पत्नी प्रीतम राणा और 55 वर्षीय सुरेंद्र राणा शामिल हैं। वहीं, 11 घायल श्रद्धालुओं में 62 वर्षीय सुदर्शन, 45 वर्षीय विपुल शर्मा, 50 वर्षीय जीवना देवी, 60 वर्षीय सुदेश कुमारी, 65 वर्षीय सुनील कुमारी, 56 वर्षीय कुसुम लता, 60 वर्षीय चंदी, 50 वर्षीय अंजूबाला, 43 वर्षीय अंजना कुमारी, 55 वर्षीय रक्षा देवी, और 68 वर्षीय शीलारानी तथा 65 वर्षीय तंबो देवी शामिल हैं। इनमें शीलारानी और तंबो देवी की हालत गंभीर है, जिन्हें मेडिकल कॉलेज उरई रेफर किया गया है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि हादसा ड्राइवर को झपकी लगने के कारण हुआ। हादसे की सूचना मिलते ही थाना राठ पुलिस और 108 एम्बुलेंस मौके पर पहुंचे और घायलों को राठ सीएचसी में भर्ती कराया। एसडीएम राठ अभिमन्यु कुमार ने सीएचसी पहुंचकर घायलों के उपचार का जायजा लिया और प्रशासन ने मामले की गंभीरता से जांच शुरू कर दी है।
हिमाचल प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ (WD) के सक्रिय होने से होने वाला है । मौसम विभाग ने आगामी पांच दिनों तक अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हल्की बारिश और बर्फबारी की संभावना जताई है। लाहौल स्पीति, किन्नौर, कुल्लू, कांगड़ा और मंडी के ऊंचे इलाकों में 8 और 10 फरवरी को बारिश-बर्फबारी का अधिक प्रभाव रहेगा। मौसम विभाग का कहना है कि इस दौरान इन क्षेत्रों की ऊंची चोटियों पर बर्फबारी हो सकती है, जिससे तापमान में और गिरावट आएगी। हालांकि, प्रदेश के मैदानी इलाकों में मौसम सामान्य रहेगा। हिमाचल के कई इलाकों में ठंड बढ़ी प्रदेश के मैदानी इलाकों में भी सर्दी बढ़ी है। शिमला में न्यूनतम तापमान 7.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है, जबकि प्रदेश का सबसे गर्म शहर ऊना का तापमान गिरकर 2.1 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। अन्य क्षेत्रों में भी तापमान में गिरावट आई है, जैसे कि भुंतर (2.0 डिग्री), धर्मशाला (4.8 डिग्री), पालमपुर (3.5 डिग्री), सोलन (2.6 डिग्री) और बिलासपुर (3.9 डिग्री)। इस सर्द मौसम के बीच, हिमाचल प्रदेश के उच्च क्षेत्रों में बर्फबारी के कारण ठंड और बढ़ सकती है। विंटर सीजन में कम बारिश-बर्फबारी विंटर सीजन के दौरान हिमाचल प्रदेश में सामान्य से 72 प्रतिशत कम बारिश-बर्फबारी हुई है। 1 जनवरी से 7 फरवरी तक 29.5 मिलीमीटर बारिश हुई है, जबकि सामान्य रूप से 104.7 मिलीमीटर बारिश होती है। इस वर्ष बर्फबारी और बारिश का स्तर काफी कम रहने से प्रदेश में सूखा और ठंड बढ़ने का असर देखा गया है।
**राज्यपाल ने कर्मचारी भर्ती विधेयक 2024 को दी मंजूरी हिमाचल प्रदेश सरकार ने 2003 के बाद अनुबंध पर नियुक्त कर्मचारियों को बैकडेट से सिनियरिटी और वित्तीय लाभ देने पर रोक लगा दी है। राज्यपाल शिव प्रताप की मंजूरी के बाद, राज्य सरकार ने हिमाचल सरकारी कर्मचारी भर्ती और सेवा शर्तें विधेयक 2024 को ई-गजट में प्रकाशित कर दिया है। यह विधेयक विधानसभा में विपक्ष के विरोध के बावजूद सुक्खू सरकार द्वारा पारित किया गया था। अब राज्यपाल की मंजूरी मिलने के बाद, इस संशोधित विधेयक के तहत कर्मचारियों को उनके नियमित नियुक्ति की तिथि से ही सिनियरिटी और वित्तीय लाभ मिलेंगे। इससे पहले, उच्च न्यायालय के आदेशों के कारण अनुबंध कर्मचारियों को बैकडेट से सिनियरिटी और वित्तीय लाभ दिए जा रहे थे, जिससे राज्य सरकार पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा था। क्यों किया गया यह बदलाव? सालों तक अनुबंध कर्मचारियों को बैकडेट से वित्तीय लाभ और सिनियरिटी देने के आदेशों के चलते राज्य सरकार को भारी वित्तीय दबाव का सामना करना पड़ रहा था। उच्च न्यायालय ने कुछ कर्मचारियों को बैकडेट से वित्तीय लाभ देने का आदेश दिया था, और इसके कारण सरकार पर करोड़ों रुपये का वित्तीय बोझ पड़ रहा था। इसके साथ ही, कर्मचारियों की सिनियरिटी लिस्ट में पिछले 21 वर्षों के आंकड़ों को भी संशोधित करना पड़ रहा था। यह स्थिति विशेष रूप से कांग्रेस सरकार के लिए चुनौतीपूर्ण हो गई थी, क्योंकि राज्य की आर्थिक स्थिति पहले ही गंभीर संकट का सामना कर रही थी। इन कारणों से, राज्य सरकार ने इस बदलाव की जरूरत महसूस की और हिमाचल सरकारी कर्मचारी भर्ती और सेवा शर्तें विधेयक 2024 में संशोधन किया। अब इस विधेयक के तहत कर्मचारियों को केवल उनकी नियमित सेवा की तिथि से ही सिनियरिटी और वित्तीय लाभ मिलेंगे, अनुबंध सेवाकाल को इसमें शामिल नहीं किया जाएगा। विधेयक में संशोधन के बाद क्या बदलेगा? इस संशोधन से, कर्मचारियों को बैकडेट से लाभ और सिनियरिटी नहीं मिलेगी, जो पहले उच्च न्यायालय के आदेशों के कारण मिल रही थी। सरकार के लिए यह बदलाव एक बड़ी राहत मानी जा रही है, क्योंकि इससे सरकार को आने वाले वर्षों में वित्तीय बोझ से बचने में मदद मिलेगी। अब कर्मचारियों को नियमित होने की तिथि से लाभ मिलेगा, और इस नए बदलाव के बाद यह भी सुनिश्चित किया गया है कि अनुबंध सेवाकाल को सिनियरिटी और वित्तीय लाभ के लिए नहीं जोड़ा जाएगा। राज्यपाल से मिली मंजूरी बीते गुरुवार को शाम मुख्यमंत्री सुक्खू अचानक राजभवन पहुंचे और विधेयक को मंजूरी दिलाने का आग्रह किया। गुरुवार को, मुख्यमंत्री सुक्खू अचानक राजभवन पहुंचे और राज्यपाल से इस विधेयक की मंजूरी के लिए आग्रह किया, जिसके बाद राज्यपाल ने 24 घंटे के भीतर विधेयक को मंजूरी दे दी। इसके बाद राज्य सरकार ने देर शाम इसे राजपत्र में प्रकाशित किया।
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड को शुक्रवार को एक ईमेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी दी गई। यह धमकी किसी "शिवांक" नामक व्यक्ति की ओर से भेजी गई है, जिसने खुद को 2024 की परीक्षा में फेल हुआ छात्र बताया है। ईमेल में बोर्ड को गंभीर चेतावनी दी गई, जिससे शिक्षा बोर्ड और स्थानीय प्रशासन में हड़कंप मच गया है। धमकी भरे ईमेल के सब्जेक्ट में लिखा गया, "बच के रहना, गोली से टपका दूंगा..." वहीं, ईमेल के भीतर संदेश में लिखा है एचपी बॉस, तुम तो गए। मेरे रिजल्ट में फेल किया था न। अब गए तुम। ठीक है ना। गुडबाय एंड सी यू अगेन। बम से उड़ा दूंगा। समझ आया-2024 में फेल किया है मेरे को...गुडबाय एचपी बॉस। इस मामले पर हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के सचिव डॉ. मेजर विशाल शर्मा ने कहा कि परीक्षा परिणाम से असंतुष्ट छात्रों द्वारा धमकी भरी मेल कभी-कभी बोर्ड को मिलती हैं। उन्होंने कहा, "शुक्रवार को आई इस मेल के बारे में अभी मुझे कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है। अगर ऐसा कोई ईमेल प्राप्त हुआ है, तो इसकी पूरी जांच की जाएगी और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।"
विजिलेंस विभाग ने कुल्लू में खाद्य सुरक्षा विभाग के कार्यालय में छापा मारकर सहायक आयुक्त, खाद्य सुरक्षा अधिकारी और एक चपरासी को होटल व्यवसायी से 1.10 लाख रुपये रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है। जांच के अनुसार, यह रिश्वत एक मामले को निपटाने के लिए ली जा रही थी। विजिलेंस ने चपरासी के पास से रिश्वत की राशि बरामद की और तीनों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायत और योजना विजिलेंस के डीएसपी अजय कुमार ने बताया कि होटल व्यवसायी पदम चंद ने शिकायत की थी कि सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा कुल्लू, भाविता टंडन ने उनके होटल में गलत ब्रांडेड पापड़ और असुरक्षित खाना पकाने का तेल पाए जाने पर नोटिस जारी किया था। इस नोटिस को निपटाने के लिए सहायक आयुक्त ने 2 लाख रुपये रिश्वत की मांग की थी। शिकायत मिलने पर विजिलेंस ने शुक्रवार को जाल बिछाया। शिकायतकर्ता ने सहायक आयुक्त के निर्देश पर रिश्वत की राशि विभाग के चपरासी केशव राम को सौंप दी। रिश्वत की बरामदगी और गिरफ्तारी विजिलेंस ने कार्रवाई करते हुए चपरासी केशव राम से 1.10 लाख रुपये की रिश्वत की राशि बरामद की। इस दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारी पंकज भी मौके पर मौजूद थे। तीनों आरोपियों(सहायक आयुक्त भाविता टंडन, खाद्य सुरक्षा अधिकारी पंकज, और चपरासी केशव राम) को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई और बाद में गिरफ्तार कर लिया गया। विजिलेंस ने मामले में केस दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू कर दी है। यह कार्रवाई भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कदम के तौर पर देखी जा रही है।
ग्राम पंचायत रोड़ी-कोड़ी में शुक्रवार को एक किसान गोष्ठी कैंप का आयोजन किया गया, जिसमें किसानों को कृषि से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। इस अवसर पर जिला परिषद की सदस्य पुष्पा मनहास को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया और शाल व पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका सम्मान किया गया।कार्यक्रम में ग्राम पंचायत के प्रधान बलविंदर सिंह और सभी पंचायत सदस्यों का विशेष योगदान रहा। इस आयोजन में लगभग 100 लोग उपस्थित थे। कृषि विशेषज्ञों ने इस गोष्ठी में महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। कार्यक्रम में एसएमएस रीशू धीमान, कृषि विकास अधिकारी डॉ. दीक्षा चौधरी, कृषि प्रसार अधिकारी सपन धीमान, बीटीएम आत्मा डॉ. सुनील कुमार, सेवानिवृत्त डीडीए डॉ. विनोद शर्मा, और प्रगतिशील किसान केहर सिंह ने भाग लिया। विशेषज्ञों ने खेती की आधुनिक तकनीक, नई योजनाओं, और किसानों के लिए उपलब्ध सुविधाओं पर विस्तार से चर्चा की। यह आयोजन किसानों को उनकी खेती से अधिक लाभ अर्जित करने और कृषि में नए उपाय अपनाने के लिए प्रेरित करने में सफल रहा।
बिलासपुर: एम्स बिलासपुर से जुड़ा एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। मरीजों को फर्जी पर्चियां देकर इलाज कराने का गोरखधंधा चल रहा था। इस जालसाजी का खुलासा अस्पताल के सुरक्षा कर्मियों ने किया। यह फर्जीवाड़ा एम्स के नजदीक एक मेडिकल स्टोर का कर्मचारी कर रहा था, जो मरीजों को जाली पर्चियां तैयार करके देता था। कैसे पकड़ा गया मामला? 3 फरवरी को अस्पताल का सर्वर खराब था, जिसके चलते पर्चियों पर हाथ से नंबरिंग की जा रही थी। इसी दौरान सुरक्षा कर्मियों को एक ऐसी पर्ची मिली, जिसमें हाथ से नंबरिंग नहीं थी। शक होने पर जब गहराई से जांच की गई तो पता चला कि पर्ची फर्जी है। इसके बाद सुरक्षा कर्मियों ने आरोपी पर नजर रखी। आरोपी के पास से 19 नकली पर्चियां बरामद हुईं। जांच में पता चला कि उसने अपने कंप्यूटर पर एम्स की असली पर्चियों जैसा डिज़ाइन तैयार किया था। इन नकली पर्चियों का इस्तेमाल मरीजों को प्राथमिकता दिलाने और अपने मेडिकल स्टोर से दवाइयां बिकवाने के लिए किया जा रहा था। सुरक्षा प्रभारी लेफ्टिनेंट कर्नल भूपेंद्र यादव की शिकायत पर थाना सदर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया। एएसपी बिलासपुर शिव चौधरी ने बताया कि आरोपी का कंप्यूटर और फर्जी पर्चियां जब्त कर ली गई हैं। फिलहाल पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है।
रिपोर्ट: शम्मी धीमान (जवाली) पुलिस ने चरस तस्करी के मामले में बड़ी सफलता हासिल करते हुए 25 अक्टूबर 2024 को जवाली के 32 मील के समीप समकेहड़ के दो चरस तस्करों को 6.058 ग्राम चरस के साथ गिरफ्तार किया था। इस कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने तस्करों के एक अन्य साथी को भुंतर से गिरफ्तार किया है। शुक्रवार को इस मामले की जानकारी देते हुए एसपी नूरपुर अशोक रत्न ने बताया कि भुंतर में पकड़े गए आरोपी की पहचान महेश्वर सिंह (पुत्र देवी चंद), निवासी मांद्रा, डाकघर बथेरी, उपतहसील कहोता, जिला मंडी के रूप में हुई है। एसपी ने बताया कि पुलिस नशा तस्करों के खिलाफ सख्त अभियान चला रही है और आने वाले समय में इसे और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा। पुलिस की इस कार्रवाई से क्षेत्र में नशा तस्करों के खिलाफ अभियान को एक नई गति मिली है। पुलिस ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि वे नशा तस्करी की किसी भी सूचना को गुप्त रूप से साझा करें ताकि समाज को नशा मुक्त बनाया जा सके।
पेंशनर एसोसिएशन कुनिहार की मासिक बैठक पेंशन भवन तालाब कुनिहार में प्रधान विनोद जोशी की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में पेंशनरों ने अपने लंबित वित्तीय लाभों को शीघ्र प्रदान करने की मांग की। बैठक में पेंशनरों ने मांग की कि जुलाई 2022 से मार्च 2024 तक के महंगाई भत्ते की बकाया किस्तों का एरियर जल्द से जल्द जारी किया जाए। इसके साथ ही, सेवानिवृत्त कर्मचारियों की ग्रेच्युटी के संबंध में 15 वर्ष की कटौती अवधि को घटाकर 10 वर्ष 8 माह के बाद पेंशन के साथ समायोजित करने के आदेश पारित किए जाएं। बैठक में यह भी उल्लेख किया गया कि कुछ राज्यों में ऐसे आदेश पहले ही पारित हो चुके हैं। पेंशनरों ने यह भी कहा कि 65, 70 और 75 वर्ष की आयु के सेवानिवृत्त कर्मचारियों को क्रमशः 5%, 10% और 15% का लाभ मूल वेतन पर दिया जाए और इसे पेंशन में शामिल किया जाए। इसके अलावा, 1 जनवरी 2016 से 31 दिसंबर 2022 के बीच सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों को संशोधित वेतनमान के तहत वित्तीय लाभ अब तक प्रदान नहीं किए गए हैं, जबकि 1 जनवरी 2022 के बाद सेवानिवृत्त कर्मचारियों को ये लाभ दिए जा चुके हैं। पेंशनरों ने इस निर्णय को अन्यायपूर्ण और पक्षपातपूर्ण करार दिया। बैठक में पेंशनरों ने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि पिछली बैठक में प्रदेश के मुख्यमंत्री से अनुरोध किया गया था कि 25 और 26 जनवरी जैसे ऐतिहासिक अवसरों पर प्रदेश के कर्मचारियों, पेंशनरों और आम जनता के लिए कुछ घोषणाएं की जाएं। लेकिन सरकार ने इन तिथियों पर कोई भी घोषणा नहीं की, जिसे कर्मचारियों ने निराशाजनक बताया। पेंशनरों ने जोर देकर कहा कि सरकार को इन मांगों पर शीघ्र ध्यान देना चाहिए और जल्द ही पेंशनरों की जेसीसी बैठक बुलाई जाए ताकि लंबित मांगों पर चर्चा हो सके। बैठक में चेतराम भारद्वाज, ज्ञान जोशी, के एल तनवर, ज्ञानचंद, भागमल तनवर, दिलाराम तनवर, रामस्वरूप, विजय सिंह, बाबूराम तनवर, डी एन परिहार, जगदीश गर्ग, गोपाल सिंह और दीप राम सहित कई सदस्य उपस्थित रहे।
जोगिंद्रनगर पुलिस ने नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 8.46 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) बरामद की है। यह कार्रवाई पुलिस चौकी घट्टा के प्रभारी एएसआई संजीव सिंह के नेतृत्व में की गई। आरोपी की पहचान अजय पाल सिंह (37) पुत्र रोशन लाल, निवासी सगनेहर, डाकघर चौंतड़ा, तहसील जोगिंद्रनगर, जिला मंडी (हि.प्र.) के रूप में हुई है। घटना घट्टा स्थित पिकनिक पॉइंट भोजनालय के पास हुई, जब पुलिस टीम यातायात जांच कर रही थी। पुलिस को देखकर आरोपी ने भागने की कोशिश की और झाड़ियों में एक पॉलीथिन फेंक दी। लेकिन पुलिस की सतर्कता से उसे तुरंत पकड़ लिया गया। पॉलीथिन की जांच करने पर उसमें 8.46 ग्राम हेरोइन बरामद हुई। इस मामले में एफआईआर नंबर 31/2025 के तहत पुलिस थाना जोगिंद्रनगर में ND&PS अधिनियम की धारा 21 के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है। फिलहाल, जांच एएसआई अजय कुमार द्वारा की जा रही है। थाना प्रभारी सकीनी कपूर ने कहा कि जोगिंद्रनगर पुलिस नशा मुक्त समाज बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने जनता से अपील की कि नशे से जुड़ी किसी भी जानकारी को गुप्त रूप से पुलिस के साथ साझा करें, क्योंकि आपकी एक सूचना कई जिंदगियों को बचा सकती है।
पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय नलेटी में तनाव प्रबंधन विषय पर एक विशेष व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस अवसर पर केंद्रीय विश्वविद्यालय, हिमाचल प्रदेश के सहायक प्राध्यापक नवनीत शर्मा ने कक्षा 9वीं से 12वीं के विद्यार्थियों को संबोधित किया। नवनीत शर्मा ने विद्यार्थियों से उनके अनुभव साझा करने के लिए चर्चा की और समय प्रबंधन के माध्यम से तनाव कम करने के मूल मंत्र समझाए। उन्होंने कहा कि शिक्षा न केवल ज्ञान प्राप्ति का माध्यम है, बल्कि यह हमें जीवन के तनाव से मुक्त रहना भी सिखाती है। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और अपने सवाल पूछकर व्याख्यान को और अधिक रोचक बनाया। नवनीत शर्मा ने उनके सवालों का उत्तर देते हुए तनावमुक्त जीवन जीने के लिए उपयोगी सुझाव दिए। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्राचार्य सतनाम सिंह ने अतिथि वक्ता नवनीत शर्मा का धन्यवाद ज्ञापित किया। इस व्याख्यान का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को तनाव प्रबंधन के महत्व से अवगत कराना और उन्हें तनावमुक्त जीवन के लिए आवश्यक कदमों की जानकारी प्रदान करना था।


















































