सिविल अस्पताल घुमारवीं में खंड चिकित्सा अधिकारी घुमारवीं डॉ अभिनीत शर्मा ने अस्पताल के कर्मचारियों को भांग व अफीम को हटाने, प्रयोग न करने और भांग तथा अफीम के प्रयोग से होने वाले दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया और भांग और अफीम को हटाने की प्रतिज्ञा दिलाई। डॉ अभिनीत शर्मा ने बताया कि भांग और अफीम हटाने की कैम्पेन 21 सितंबर से 5 अक्टूबर तक चलेगी और इस कैम्पेन में खंड की सभी 35 उपस्वास्थ्य केंद्र, 11 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, 4 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और 1 सिविल अस्पताल के कर्मचारी अपने अपने क्षेत्र में भांग और अफीम को हटाएंगे। वह लोगो को भांग और अफीम से होने वाले दुष्प्रभावों के बारे में भी जागरूक करेंगे। इस अवसर पर अधीक्षक सिविल अस्पताल घुमारवीं रतन लाल राव, स्वास्थ्य शिक्षक सुरेश चन्देल, स्वास्थ्य पर्यवेक्षक जगदीश चंद, माया शर्मा, वीना जगोता, उर्मिला ठाकुर, ओमी चंद, नीरज, अरविंद शर्मा, शिखा , कपिल, अनिता, निशा, प्रेम चंद ,चंद्र लेखा, ज्ञान चंद उपस्थित थे।
ग्रामीण भाखड़ा विस्थापित सुधार समिति की बैठक झंडूता में समिति के प्रधान देसराज शर्मा की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में ग्रामीण भाखड़ा विस्थापितों की समस्याओं को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। इस बैठक में हिमाचल नीति अभियान के राज्य सचिव संदीप मिन्हास व राज्य उपाध्यक्ष विशाल दीप विशेष रूप से उपस्थित रहे। बैठक में वन अधिकार कानून-2006 को लेकर चर्चा की गई तथा निर्णय लिया गया कि समिति अपने साथ कार्यरत ग्रामीण स्त्तर की समितियों को वन अधिकार कनून-2006 बारे जागरूक करेगी तथा विस्थापितों को समझाया जाएगा कि वन अधिकार कानून-2006 के तहत वे लोग वन भूमि व सामुदायिक जमीन पर स्थायी व परंपरागत अधिकार भी मान्यता प्रदान करता है। उन्होंने बताया कि इस कानून के तहत वन भूमि पर निवास व खेती कर रहे किसानों को संवैधानिक व कानूनी मान्यता प्रदान करता है। बैठक में समिति के अध्यक्ष देसराज शर्मा ने कहा कि भाखड़ा बांध के कारण 60 के दशक में जिला के करीब 254 गांव जलमग्र हो गए थे। तत्कालीन समय बेघर हुए लोगों को सरकार द्वारा जमीन कहीं पर दी गई और लोगों को बसाया कहीं गया। तत्कालीन समय अज्ञानता के कारण लोग जहां बताया गया, वहीं पर ही बस गए। उन्होंने कहा कि करीब 60 वर्षों से विस्थापित जंगल में अपने आशियाने बनाकर रह रहे हैं जिन्हें अब वन भूमि पर अतिक्रमण करने के नाम पर तंग किया जा रहा है तथा करीब 400-500 लोगों के घरों के बिजली व पानी के कनैक्शन तक काट दिए गए हैं जोकि आज तक बहाल नहीं हो पाए हैं। उन्होंने कहा कि वन अधिकार कानून-2006 के तहत संबंधित लोगों के कनैक्शन गैर कानूनी तरीके से काटे गए हैं। इस कानून के तहत लोगों को वन भूमि पर रहने और वहां पर कृषि करने का अधिकार प्राप्त है। उन्होंने कहा कि इस बारे लोगों को जागरूक करने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने प्रदेश सरकार से एफ.आर.ए. समितियों को इस कानून बारे प्रशिक्षण दिए जाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि समिति प्रदेश सरकार से विस्थापितों के अतिक्रमण के नाम पर काटे गए बिजली व पानी के कनैक्शनों को वन अधिकार कानून-2006 के तहत लगाने की मांग करेगा। इस अवसर पर रमेश कुमार, प्रेम ङ्क्षसह, रणजीत ङ्क्षसह, तिलक राज, बृजलाल, अजय शर्मा, चरंजीलाल, ब्रह्मदत, सुमन कुमार, जोङ्क्षगद्र, आशीष, हाकिम ङ्क्षसह व राजकुमार आदि मौजूद
प्रदेश सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सड़क, कृषि, बागवानी इत्यादि हर क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा रही है। यह बात खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मंत्री राजिन्द्र गर्ग ने घुमारवीं में लगभग 11 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित होने वाले आईपीडी ब्लाॅक का भूमि पूजन करने के उपरांत उपस्थित जन समूह को सम्बोधित करते हुए कही। उन्होंने लोगों को बधाई देते हुए कहा कि अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस अस्पताल का यह भवन दो वर्ष के भीतर तैयार करके जनता को समर्पित कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि अब घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र के लोगों को अपने इलाज के लिए अन्य स्थानों पर नहीं जाना पड़ेगा यहीं पर उन्हें हर प्रकार की स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में लोगों को घर-द्वार पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाना सरकार की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर की सरकार के कुशल नेतृत्व में इस दिशा में योजनाबद्ध तरीके से कार्य किया जा रहा है। प्रदेश सरकार का प्रयास है कि लोगों को स्वास्थ्य के क्षेत्र में गुणवत्तायुक्त सुविधाएं प्रदान करने के लिए स्वास्थ्य सेवाओं में नियमित रूप से सुधार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि घुमारवीं अस्पताल में वर्तमान में 10 डाॅक्टर कार्यरत है जिनमें से 9 विशेषज्ञ डाॅक्टर है। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार ने अपने ढाई वर्ष के कार्यकाल में 2 हजार से भी अधिक चिकित्सकों के पद भरे हैं। जिला में सभी पीएचसी में डाॅक्टर कार्यरत है। पैरा मेडिकल स्टाॅफ को भी पूरा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बागवानी क्षेत्र में एचपी शिवा प्रोजेक्ट प्रदेश में बेहतरीन कार्य किया जा रहा है। इस प्रोजेक्ट के अंतर्गत सरकार किसानों को सभी प्रकार की सुविधाएं प्रदान कर रही है। उन्होंने कहा कि इस प्रोजेक्ट के माध्यम से किसान हर बैठे ही लाखों रुपये की आय अर्जित कर अपने जीवन स्तर को सुधार सकते है। उन्होंने युवा पीड़ी सही रास्ता दिखाते हुए कहा कि पारम्परिक खेती प्रधान कार्य को आगे बढ़ाने के लिए सरकारी योजनाओं का भरपूर लाभ उठाएं तथा अन्यों को पारम्परिक खेती करने के लिए प्रेरित करें ताकि किसानों की आय में दोगुना बढ़ौतरी हो और उनकी आर्थिक स्थिति भी मजबूत हो और उन्हें रोजगार के लिए बाहर का रूख न करना पड़े। उन्होंने कहा कि कोविड-19 कोरोना वायरस की चुनौती से निपटने के लिए लोगों को न केवल प्रदेश सरकार के दिशा निर्देशों का पालन करना होगा अपितु दूसरों को भी नियमों के पालन करने के लिए जागरूक बनाना होगा। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस संक्रमण के बचाव के लिए सभी लोग सही ढंग से मास्क पहने तथा दो व्यक्तियों के मध्य कम से कम दो गज की दूरी का पालन करें और नियमित तौर पर बार-बार अपने हाथ साबुन से धोएं। सभी लोग अनुशासन में रहकर दिशा निर्देशों का पालन करेंगे तभी संकट की घड़ी में सुरक्षित रहकर कोरोना महामारी से एकजुट होकर निपट सकते है। इस अवसर पर उन्होंने उपस्थिति लोगों की समस्याएं सुनी और इनका मौके पर समाधान सुनिश्चित किया तथा कुछ समस्याओं को निपटाने के लिए अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. प्रकाश दरोच ने मुख्यातिथि तथा अन्य अतिथियों का स्वागत किया। नगर परिषद अध्यक्ष घुमारवीं राकेश चैपड़ा ने भी अपने विचार रखें। इस अवसर पर एसडीएम शशिपाल शर्मा, बीएमओ अवनीश शर्मा, मण्डल महामंत्री राजेश शर्मा, राजेश ठाकुर, युवा मोर्चा से पंकज चंदेल, जिला परिषद सदस्य पुरूषोतम शर्मा के अतिरिक्त महेन्द्र पाल रतवान, हेम राज सांख्यान, धनी राम सोंखला, प्रधान ग्राम पंचायत घुमारवीं किशोरी लाल शर्मा उपस्थित रहे।
शनिवार को नगर पंचायत राजगढ़ की महिला कर्मचारी के कोरोना पोजिटिव आने के बाद दो दिन के लिए कार्यालय के कुछ विभागों को दो दिन के लिए सील कर दिया गया है। यह महिला कर्मचारी पिछली कुछ दिन से बीमार चल रही थी और इस दौरान छुट्टी पर थी। शनिवार को वह कुछ देर के लिए कार्यालय आई थी। चिकित्सक की सलाह पर उन्होंने अपने साथ अपने पुत्र का भी टेस्ट करवाया और दोनो कोरोना संक्रमित पाए गए। दोनो को उसी समय होम आईसोलेट कर दिया गया। महिला कर्मचारी की रिपोर्ट पोजिटिव आते ही नगर पंचायत कार्यालय में हडकंप मच गया। नगर पंचायत सचिव अजय गर्ग ने बताया कि महिला कर्मचारी की रिपोर्ट पोजिटिव आने के बाद कार्यालय की दो शाखाये सील कर दी गयी हैं। उन्होंने कहा कि उक्त कर्मचारी के सम्पर्क में आने के कारण उन्होंने स्वयं को भी दो दिन के लिए आईसोलेट कर लिया है। सोमवार को नगर पंचायत के अध्यक्ष व् उपाध्यक्ष की चुनावी प्रक्रिया के लिए होने वाली बैठक का आयोजन भी नगर पंचायत के स्थान पर उपमंडलाधिकारी कार्यालय में किया जायेगा |
पुलिस थाना अर्की में थाना प्रभारी अर्की मोती सिंह ठाकुर की अध्यक्षता में रोड सेफ्टी क्लब की एक बैठक का आयोजन किया गया। जिसमें हेड कांस्टेबल कमला वर्मा विशेष रूप से उपस्थित रही। इस अवसर पर थाना प्रभारी ने सड़क सुरक्षा के नियमों पर आए हुए रोड क्लब के सदस्यों को जागरूक किया। इस अवसर पर टैक्सी मैक्सी यूनियन के सदस्यों द्वारा रखी गई उनकी सबसे बड़ी पार्किंग की समस्या का समाधान किया । उनका समाधान करते हुए उन्होंने नगर पंचायत के वार्ड नंबर 3 में जो पार्किंग बनी है उसे टैक्सी टैक्सी यूनियन के लिए खुलवा दिया गया ताकि उनकी समस्या का हल हो सके। उन्होंने यूनियन के सदस्यों को कहा कि वह अपने वाहनों में यएन्टीथेफ्त लॉक लगवाएं ताकि वाहनों की सुरक्षा हो सके व वाहनों में किसी प्रकार की चोरी ना हो। इस मौके पर दी महाकाली टैक्सी मैक्सी यूनियन के सदस्यों सहित रॉड सेफ्टी क्लब के सदस्य भी उपस्थित रहे।
पूर्व विधायक एवं जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व प्रधान बंबर ठाकुर ने मुख्यमंत्री से प्रशासन को बिलासपुर में नशे के सौदागरों पर हाथ डालने के आदेश देने का आग्रह किया। बिलासपुर में हो रही पत्रकार वार्ता में बम्बर ठाकुर ने कहा कि इस बात की भी जांच की जाए कि इन नशे के सौदागरों को किस का संरक्षण प्राप्त है। उन्होंने जेपी नड्डा पर तीखी बयानबाज़ी करते हुए कहा जिस तरह जेपी नड्डा के ड्राइवर से हुई मार-पीट के मामले में पुलिस ने आरोपियों को तुरंत पकड़ लिया था उसी तरह कि कार्रवाई क़ानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए भी की जानी चाहिए। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि सरकार द्वारा उन्हें सुरक्षा मिलनी चाहिए परन्तु अगर सरकार सुरक्षा नहीं देगी तो वे अपनी सुरक्षा करना स्वयं जानते हैं।
उपायुक्त सोलन केसी चमन ने जिलावासियों से अपील की है कि अनलॉक-चार में प्रदेश सरकार व ज़िला प्रशासान को सहयोग प्रदान करें तथा सावधानी व सजगता बरतते हुए अपने दैनिक कार्यों को करें। केसी चमन ने कहा कि पूरे प्रदेश में आर्थिक गतिविधियां भी शुरू कर दी है तथा राज्य की सीमाओं को आवाजाही के लिए खोल दिया गया है। ऐसे में लोग सरकार व जिला प्रशासन द्वारा दिशा-निर्देशों का पालन करें। उन्होंने कहा कि लोग अनावश्यक बाहर न निकलें और भीड़ वाले इलाकों में जाने से बचें। उन्होंने लोगों से अपील की कि सावर्जनिक स्थलों पर 2 गज की दूरी का पालन सुनिश्ति बनाएं तथा खांसी, जुखाम होने की स्थिति में घर पर ही रहें। उन्होंने लोगों से सभी नियमों के पालन का आग्रह किया। उन्होंने जिला के सभी उपमंडल अधिकारियों को निर्देश दिए कि लोगों को विकासखंड स्तर पर मास्क पहनने के लिए प्रेरित करें तथा अनावश्यक रूप से भीड़ वाले स्थानों पर जाने से परहेज करें। उन्होंने कहा कि लोगों को नियमित रूप से साबुन से हाथ धोने तथा सैनिटाइजर के इस्तेमाल के लिए कहें। उन्होंने पुलिस विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि ज़िला के विभिन्न स्थानों पर नाके लगाए जाए तथा पर्यटकों की आवाजाही पर नजर रखी जाए। उपायुक्त ने बाहरी राज्यों से प्रदेश में आने वाले लोगों से आग्रह किया कि वे क्वारेनटाइन सम्बन्धी दिशा-निर्देशों का पूर्ण पालन करें। उन्होंने कहा कि इन नियमों की अनुपालना न केवल बाहर से आने वाले व्यक्तियों के परिवारों अपितु समाज को किसी भी प्रकार के संक्रमण से बचाने में सहायक सिद्ध होगी। उपायुक्त ने सभी से आग्रह किया कि खांसी, जुखाम, बुखार या सांस लेने में तकलीफ होने पर शीघ्र समीप के स्वास्थ्य संस्थान से सम्पर्क करें। इस सम्बन्ध में किसी भी सहायता के लिए हैल्पलाईन नम्बर 104 तथा दूरभाष नम्बर 221234 पर सम्पर्क किया जा सकता है।
कांग्रेस मंडल रोहड़ू के अध्यक्ष करतार सिंह कुल्ला ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश सरकार के मंत्री अपने परिवार के साथ सिर्फ चांशल पर सेर सपाटा करने आते हैं। चांशल को विकसित करने के नाम पर बड़ी-बड़ी घोषणाएं की जाती हैं। मुख्यमंत्री स्वंय चांशल को सौ करोड़ रुपये की लागत से विकसित करने घोषणा कर चुके हैं, लेकिन आज तक धरातल पर कुछ भी नहीं हुआ है। कुल्ला ने कहा कि शनिवार को वन एवं खेल मंत्री राकेश पठानिया अपने परिवार के साथ चांशल घाटी घुमने आए थे। बीते ढाई साल में सरकार के कई मंत्री चांशल घाटी घुमने आ चुके हैं। इन मंत्रियों ने क्षेत्रवासियों को कई बड़े स्वप्न दिखाए। प्रदेश सरकार का आधे से अधिक कार्यकाल समाप्त हो चुका है। अभी तक चांशल व रोहड़ू क्षेत्र को विकसित करने की योजनाएं घोषणाओं से आगे नहीं बढ सकी। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा सरकार ने अपने तीन वर्ष के कार्यकाल के दौरान रोहड़ू विधानसभा क्षेत्र में विकास के नाम पर एक भी नया पत्थर नहीं लगाया, रोहड़ू में भाजपा के नेताओं ने भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया है। कांग्रेस कार्यकाल में हुए विकास कार्यों के रिब्बन काटने का कार्य भाजपा के मंत्री कर रहे हैं।
कांग्रेस ब्लाक जुब्बल कोटखाई ने जुब्बल तहसील के पशु चिकित्सालयों में रिक्त पदों को भरने की मांग उठाई है। जुब्बल तहसील मुख्यालय के पशु चिकित्सालय में बीते तीन वर्षों से पशु चिकित्सक सहित अधिकतर कर्मचारियों के पद रिक्त पड़े हैं जिससे स्थानीय जनता को खासी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा हैं। आए दिन कार्यालय में कूड़े का अंबार लगा रहता है। पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में सीपीएस रोहित ठाकुर ने पशु चिकित्सालय जुब्बल के नए भवन का शिलान्यास किया था। भवन निर्माण के लिए लगभग 41 लाख रुपये की राशि भी स्वीकृत की गई थी। उन्होंने कहा कि ठेकादार को भवन निर्माण का कार्य आबंटित हो चुका था, लेकिन भाजपा सरकार के सत्ता में तीन वर्ष बीत जाने के बाद पशु चिकित्सालय जुब्बल का कार्य रुका पड़ा हैं। स्थानीय विधायक सबकुछ देखकर भी लोगों की समस्या का समाधान करने के लिए कोई कदम नहीं उठा रहे हैं। क्षेत्र की जनता ने पशु पालन मंत्री से मांग की हैं कि जनता की समस्याओं को देखते हुए शीघ्र ही पशु चिकित्सालय जुब्बल में रिक्त पड़े पदों को भरा जाए और रुके हुए भवन निर्माण को तुरन्त शुरू किया जाए। ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष मोतीलाल डेरटा, राजिन्दर मांटा, अनीता चौहान, लोकपाल शरकोली, अनिल चौहान, चंदर घेजटा, विनोद मोखटा,नरेश वर्मा, विनोद शर्मा, सतीश चौहान, उमेश कुमार, हरीश तेजटा, इंदर तेजटा रोहित शर्मा, राकेश ख़ोख्टा, राजिन्दर मलोकटा, पिंकू तांटा, दीपू पीरटा ने कहा कि जुब्बल क्षेत्र में मंढोल, भोलाड़, सरस्वतीनगर पशु चिकित्सालय में चिकित्सक पद रिक्त हैं।
कृषि विभाग के आने से किसान मनपसंद दामों पर देश में कहीं भी अपनी फसल किसी को भी बेचने के लिए स्वतंत्र हो जाएंगे। इससे पहले की व्यवस्था में किसान केवल अपने ही राज्य की मंडियों में अपनी फसल बेच पाते थे। हमीरपुर से जारी प्रेस नोट जारी करते हुए भाजपा के जिला मीडिया प्रभारी अंकुश दत्त शर्मा ने कहा कि कांग्रेस के लोग कृषि विधायकों के बारे में मनगढ़ंत बातें कहकर लोगों को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं। कृषि विधायक आने के बाद किसानों के पास दो तरीके होंगे वह चाहे तो अपनी फसल मंडियों के माध्यम से बेचे और जिसका उन्हें न्यूनतम समर्थन मूल्य मिलता रहेगा और दूसरा यह कि विदेश में किसी भी व्यापारी को अपने मनपसंद ऊंचे दामों पर अपनी फसल सीधा बेच सकते हैं। जिला मीडिया प्रभारी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्पष्ट तौर पर कहा है कि किसानों को आज तलक उनके अधिकारों से वंचित रखा गया, जब कपड़ा उत्पादक, बर्तन उत्पादक आदि या अन्य किसी भी प्रकार का उत्पादन करने वाले लोग अपने उत्पाद को देश में कहीं भी बेच सकते हैं तो केवल किसान ही क्यों केवल अपने ही राज्य में सिर्फ मंडियों के माध्यम से ही अपनी फसल को बेचने के लिए सीमित किए गए। नए प्रावधानों के लागू हो जाने के बाद किसान अपनी फसल को मंडियों में या फिर मनचाही कीमतों पर देश में कहीं भी किसी को बेच सकते हैं। अनाज मंडियों के माध्यम से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर सरकारी खरीद पहले ही की तरह होती रहेगी। उन्होंने कहा कि कृषि विभाग में अनुबंध पैदावार की जो बात की गई है उसमें स्पष्ट कहा गया है कि पैदावार खरीदने का समझौता ज्यादा से ज्यादा 5 वर्ष का होगा और इस समझौते में सिर्फ पैदावार खरीदने की बात होगी, ना की जमीन खरीदने या फिर जमीन को गिरवी रखने की। जब किसान बीज बोएगा उससे पहले उसकी फसल की कीमत का समझौता होगा और जब फसल तैयार हो जाएगी तो फसल उठाने से पहले व्यापारी फसल की दो तिहाई कीमत समझौते के अनुसार अदा करेगा और और उसके 3 दिन के भीतर ही बाकी की एक तिहाई कीमत भी किसान को अदा करेगा। किसान अपनी फसल की मनपसंद कीमत व्यापारी से पहले ही तय कर लेगा जो उसे निश्चित रूप से मिलेगी। जिला मीडिया प्रभारी ने कहा कि बंपर फसल होने की सूरत में कई बार बहुत अधिक मात्रा में अनाज के सड़ने से किसानों की मेहनत बेकार हो जाने की समस्या भी कृषि विधेयक आ जाने से दूर हो जाएगी। उन्होंने कहा कि विपक्षी दल ज्वाइन कृषि विधायकों का विरोध कर रहे हैं वह चाहते हैं कि किसान आज भी अनगिनत बंधनों में जकड़ा रहे और किसानों को उनकी फसल का सही दाम न मिले और वह सभी लोग बिचौलियों के साथ खड़े दिखाई दे रहे हैं जो किसानों की मेहनत की कमाई पर डाका डालते हैं।
चूल्हे चौखे के साथ अपनी आर्थिकी को मज़बूती दे रही महिलाएं महामारी के इस कठिन दौर में वे परिवार की जरूरतों को पूरा करने के लिए मनरेगा में दिहाड़ी मजदूरी के साथ-साथ अपनी नकदी फसलों को बेचने में भी पीछे नहीं है। पठानकोट-मंडी राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर जोगिन्दर नगर से लेकर गुम्मा तक ऐसी दर्जनों महिलाएं सडक़ किनारे अपनी नकदी फसलें बेचते हुए नज़र आ रही हैं। ये महिलाएं अपनी नकदी फसलें पीठ पर उठा कर 2-3 किमी दूर से सडक़ के किनारें सब्ज़ियां बेचने के लिए पहुंच रही हैं। छाणग गुम्मा में सड़क के किनारे बैठी महिलाओं से बात की गई तो वहाँ मौजूद बिमला देवी ने बताया कि बरसाती मौसम के कारण उनके यहां प्राकृतिक तौर पर तैयार सब्जियों की काफी पैदावार है जिसे वह प्रतिदिन अपनी पीठ पर उठाकर बेचने के लिए सूखा नाला पुल के पास पहुंचती हैं। इसी तरह अन्य कई महिलाएं अपनी फसलों कि पैदावार को पीठ पर उठाए उन्हें बेचने के लिए वहाँ पहुँच रही हैं तथा उन्हें इन फसलों के अच्छे दाम प्राप्त हो जाते हैं। इसी बीच सब्जियां खरीदने के लिए रूके एक यात्री देवराज से बातचीत की गई तो उनका कहना है कि महिलाओं द्वारा यहां बेचे जा रहे यह उत्पाद जहां पूरी तरह से प्राकृतिक तौर पर उगाए गए हैं तो वहीं इनकी कीमत बाजार के भाव से भी कम है। जिसका सीधा असर उनकी सेहत के साथ-साथ आर्थिकी पर भी पड़ता है।
भाजपा किसान मोर्चा की जिला सिरमौर की एक विशेष बैठक का आयोजन 21 सित़बर को नाहन के परिधि गृह मे किया जाएगा। यह जानकारी प्रदेश भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश सचिव सुनील ठाकुर ने दी। उन्होंने बताया कि कि इस बैठक की अध्यक्षता प्रदेश किसान मोर्चा के अध्यक्ष डाक्टर राकेश बबली द्वारा की जाएगी व् जिला सिरमौर के प्रभारी व प्रदेश किसान मोर्चा के उपाध्यक्ष नरेश चौहान विशेष रूप से उपस्थित रहेगे। उन्होंने बताया कि बैठक में जिला सिरमौर के पांचो मंडलो के सचिव, महाम़त्री तथा जिला कार्यकारिणी के सभी सदस्य भाग लेगे। इस दौरान प्रदेश व केंद्र व् प्रदेश सरकार द्वारा किसानो के लिए चलाई जा रही जन कल्याणकारी योजनाओ के बारे मे किसान मोर्चा के पदाधिकारियों को विस्तार से जानकारी दी जाएगी ताकि सभी लोग किसानो के लिए चलाई जा रही योजनाओं को किसानो के खेतो तक पंहुचा सके और किसानो को सभी योजनाओं का पूरा लाभ मिल सके।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद 2008 से लेकर लगातार फर्जी डिग्रियों के मामले में बोलता आ रहा है और प्रदेश में जिस प्रकार से प्राइवेट यूनिवर्सिटी द्वारा अपने कैंपस में यह गोरखधंधा अपनाया गया है उसका विद्यार्थी परिषद लंबे समय से विरोध करती आ रही है उसी के परिणाम स्वरूप अब जाकर मानव भारती यूनिवर्सिटी पर गाज गिरी है। बहुचर्चित चार लाख फर्जी डिग्री मामले में फंसे मानव भारती विश्वविद्यालय के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय ( ईडी ) ने इन्फोर्समेंट केस इन्फॉरमेशन रिपोर्ट ( ईसीआईआर ) दर्ज कर ली है । ईसीआईआर दर्ज करने के साथ ईडी ने मामले की नियमित जांच शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि विवि प्रबंधन की ओर से फर्जी डिग्री बेचकर अकूत संपत्ति अर्जित करने और उस काले धन को कानूनी रूप देने के लिए कई जगह निवेश करने के इंडी को प्रारंभिक जांच में साक्ष्य मिले हैं । जल्द विवि ईडी धन शोधन की जांच पूरी कर विश्वविद्यालय के हिमाचल और एडीजी राजस्थान समेत कई राज्यों में काले धन वेणुगोपाल से खरीदी गई संपत्तियों को सीज कर सकता है। हिमाचल पुलिस ने फर्जी डिग्री का गोरखधंधा चलाने के आरोप में विवि के खिलाफ सोलन जिले में तीन एफआईआर दर्ज की थीं इन मामलों की जांच सोलन पुलिस की एक एसआईटी को दी थी, जिसने विवि का संचालन करने वाले राजकुमार राणा, विवि रजिस्ट्रार अनुपमा , सहायक रजिस्ट्रार मनीष गोयल, डाटा ऑपरेटर प्रमोद कुमार के अलावा विवि के नशा मुक्ति केंद्र के संचालक जतिन नागर को गिरफ्तार कर रही जेल भेज दिया था। प्रांत मंत्री राहुल राणा ने जानकारी देते हुए बताया कि विद्यार्थी परिषद लंबे समय से इस प्रकार के काले धंधे के विरुद्ध अपनी आवाज बुलंद करता आया है जिसके परिणाम स्वरूप आज एक विश्वविद्यालय के खिलाफ केस दर्ज किया गया है उसी प्रकार पूरे हिमाचल प्रदेश में ऐसे बहुत से निजी विश्वविद्यालय है जहां पर अभी भी इस प्रकार की हेरा फेरी और फर्जी डिग्रियां बेची जाती है और शिक्षा क्षेत्र में यह बहुत बड़ा खिलवाड़ है। विद्यार्थी परिषद मांग करती है कि आने वाले समय में प्रदेश केअनियमिताएं पाए जाने वाले सभी निजी विश्वविद्यालयों की पूर्ण तह जांच की जाए और जो जो विश्वविद्यालय ऐसी गतिविधियों में सम्मिलित पाया जाता है उन सभी को गिरफ्तार किया जाए और ऐसी विश्वविद्यालय की मान्यता रद्द की जाए।
अर्की के पुराने बाजार स्थित रोजगार कार्यालय एवं विद्युत विभाग का सब डिविजनल कार्यालय नए बस अड्डे के समीप शिफ्ट करने को लेकर नगर के व्यापारियों में गुस्सा बढ़ता जा रहा है। पुराने बाजार के सभी कारोबारियों का कहना है कि पहले पुराने बाजार में अधिकतर सरकारी कार्यालय होते थे, जिससे सभी का कारोबार बहुत बढ़िया चल रहा था और बाजार में बहुत- चहल पहल रहती थी। धीरे - धीरे ये कार्यालय बाजार से बाहर शिफ्ट होते चले गए और पुराना बाजार बिल्कुल खाली - खाली होने लगा। अब इस बाजार में मात्र ये ही दो कार्यालय रह गए है जिनको कि उनके विभाग द्वारा शिफ्ट करने की योजना की सूचना से सभी नगरवासियों में भारी रोष पनप रहा है।इसी सिलसिले में अर्की विकास मंच का एक प्रतिनिधिमंडल एसडीएम अर्की से मिला और उनके माध्यम से मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को एक ज्ञापन भेजा। समिति के महासचिव केके भारद्वाज ने जानकारी देते हुए बताया कि वे सभी इस विषय को लेकर एसडीएम साहब से मिले और अपना पक्ष उनके समक्ष रखा। सभी ने प्रदेश सरकार से आग्रह किया है कि इन दोनों कार्यालयों को यथावत ही रखा जाए। इन विभागों के रहते ही बाजार में लोगों की आवाजाही रहती है। यदि ये कार्यालय यहां से शिफ्ट हो जाते है तो कारोबारी वर्ग को भारी नुकसान उठाना पड़ेगा। उन्होंने सरकार से आग्रह करते हुए कहा कि जब तक इन विभागों का अपना भवन नही बन जाता तब तक इन कार्यालयों को यही रहने दिया जाए।
बिलासपुर कांग्रेस कमेटी के जिला महासचिव संदीप संख्यान ने कहा कि जिला के सदर विधानसभा क्षेत्र के कुठेड़ा में आई.पी.एच. सब डिवीज़न कार्यालय खोला जाना अति आवश्यक है। इस क्षेत्र में जिला का एक बहुल जनसंख्या वाला क्षेत्र है। यदि इस क्षेत्र में जल शक्ति विभाग का सब डिवीज़न लेवल का कार्यलय खुलता है तो इस क्षेत्र की करीब 48000 लोग लाभान्वित होंगे। इस कार्यालय के खुलने से लोंगो को जल शक्ति विभाग के सब डिवीज़न कार्यालय कंदरौर के चक्र लगाने से भी निजात मिलेगी और कंदरौर जल शक्ति विभाग का कार्य भी ज्यादा गुणवत्ता पर निर्भर हो जाएगा। जिले में जल शक्ति विभाग के तीन डिवीज़न हो चुके है जिसमे बिलासपुर, घुमारवीं और झंडूता है जबकि सब डिवीज़न बिलासपुर, जुखाला, कंदरौर, घुमारवीं, झंडूता, स्वारघाट, बस्सी, कलोल, भराड़ी आदि पहले से ही मौजूद हैं लेकिन सिर्फ बिलासपुर जिला के सदर विधानसभा क्षेत्र का यही बहुल जनसंख्या वाला क्षेत्र है जहाँ पर पर जल शक्ति विभाग का सब डिवीज़न लेवल का कार्यलय खुलना लाज़मी है। यदि इस क्षेत्र में जल शक्ति विभाग का सब डिवीज़न खुलता है तो कुठेड़ा, मोरसिंघी, तल्याणा, लद्दा, मेहरी काथला, पटेर, बलसुहाय, कोठी व अन्य साथ लगते क्षेत्रों के लोग लाभान्वित होंगे और उनको कंदरौर पहुचने में औसतन 15 से 45 किलोमीटर की आवज से निजात मिलेगी। इस पूरे क्षेत्र के लोंगो को पानी के बिल तक जमा करवाने हेतु कंदरौर जल शक्ति विभाग के सब डिवीज़न में जाना पड़ता है। कहा कि अगर यह कायार्लय कुठेड़ा क्षेत्र में खुलता है तो लोगों को एक तो सब डिवीज़न लेवल के अधिकारी की सेवाएं यहीं नजदीक में मिल सकती है दूसरे पानी की अन्य छोटे-मोटे एस्टीमेट भी यहीं पर सब डिवीज़न लेवल पर बन सकते हैं। इससे एक तो जल शक्ति विभाग के सब डिवीजन कार्यलय कंदरौर का काम कम होगा और इस कार्यलय की गुणवत्ता व कार्य क्षमता बढ़ेगी दूसरे कुठेड़ा क्षेत्र में जल शक्ति विभाग का कार्यलय खुलने से एक बड़ी जनसँख्या को फायदा मिलेगा और वहां भी जल शक्ति विभाग की कार्य क्षमता और गुणवत्ता बढ़ेगी। उन्होंने प्रदेश सरकार के जल शक्ति मंत्री व प्रदेश के मुख्यमंत्री से मांग करते हुए कहा कि कुठेड़ा व इसके साथ लगती पंचायतों को और यहाँ की बहुल जनसँख्या को मद्देनजर रखते हुए यहां पर जल शक्ति विभाग का सब डिवीज़न लेवल का कार्यलय खोला जाए, ताकि लोगों की समस्याओं को निजात मिल सके।
चांशल क्षेत्र को शीतकालीन खेलों की राष्ट्रीय स्पर्धाओं के आयोजन के लिए विकसित करने के उद्देश्य से प्रदेश सरकार द्वारा केन्द्र सरकार के आदेशानुसार गंभीरता पूर्वक विचार किया जा रहा है। वन युवा सेवाएं एवं खेल मंत्री राकेश पठानिया ने चांशल क्षेत्र का दौरा कर स्थिती का जायजा लिया। उन्होनें कहा कि चांशल क्षेत्र में साहसिक पर्यटन को विकसित करने की अपार संम्भावनाएं है जिसके तहत पैराग्लाइडिंग, ट्रैकिंग, सकिंग, कैंपिंग साइट तथा ईको टूरिज्म को बढ़ावा दिया जाएगा ताकि पर्यटन विकास के साथ साथ स्थानीय लोंगों को रोजगार उपलब्ध हो सकेंगे। उन्होनें कहा कि इस क्षेत्र में पर्यटकों के आने से जहाँ लोगों को आर्थिक तौर पर लाभ मिलेगा वहीं अतराष्ट्रीय स्तर पर चांशल व इसके आस पास के क्षेत्र विकसित होंगे। उन्होनें आज छवारा ब्लाॅक के करशाली में नई मंजिल नई राहें योजना के तहत करशाली माता मंदिर के समीप 32 लाख रुपए से मानव निर्मित झील का उद्घाटन भी किया। उन्होनें कहा कि नैसर्गिक सौन्दर्य से भरपूर खरशाली क्षेत्र में ट्रैकिंग टूरिज्म को बढ़ावा दिया जा रहा है। जिसके तहत 29 लाख रुपए की राषि खर्च कर सरुलेख चांशल तक ट्रैकिंग मार्ग को विकसित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए इस क्षेत्र की सड़कों को शीघ्र ही दुरुस्त किया जाएगा। ताकि विभिन्न क्षेत्रों से संबधित राष्ट्रीय खेल प्रतिस्पर्धाएं इन क्षेत्रों में आयोजित की जा सकें। इस दौरान उन्होनें खरशाली में देवदार का पौधा भी रोपित किया। उन्होनें आज रोहडू इनडोर स्टेडियम का दौरा भी किया और स्टेडियम में पायी गई विभिन्न खामियों को जल्द दूर करने के आवश्यक दिशा निर्देश दिए। उन्होनें आज रोहडू क्षेत्र के विभिन्न विभागों के अधिकारियों की बैठक भी ली तथा क्षेत्र के विकासात्मक कार्यों की समीक्षा की और अधिकारियों से सीधा संवाद स्थापित किया। उन्होनें कहा कि नालदेरा, कूफरी से चांशल क्षेत्र को शीतकालीन राष्ट्रीय खेलों एवं साहसिक पर्यटन गतिविधियों के लिए विकसित किया जाएगा। उन्होनें कोरोना संक्रमण काल से बचाव के लिए सभी आवश्यक मानकों को अनिवार्य रुप में दो गज की दूरी, माॅस्क को प्रयोग करना तथा सेनेटाइजर का प्रयोग करना अनिवार्य होगा, जिससे महामारी के बचाव में सभी जनमानस को सहयोग मिलेगा। इस अवसर पर ग्रामीण विकास भूमि एवं बंधक बैंक तथा रोहडू विधानसभा की भाजपा प्रत्याशी शशि बाला, प्रधान मुख्य अरण्यपाल प्रदेश, डाक्टर सविता शर्मा, भाजपा महासचिव व प्रभारी जिला महासू बिहारी लाल शर्मा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य संदिपनी भारद्वाज, मंडल अध्यक्ष रोहडू बलदेव रांटा, जिला उपाध्यक्ष जिला महासू भाजपा दिनेश रतवान, जिला उपाध्यक्ष अनूसूचित मोर्चा
नगर पंचायत राजगढ़ में अध्यक्ष व् उपाध्यक्ष के खिलाफ गत 9 सितम्बर को अविश्वास प्रस्ताव पारित होने के बाद नए अध्यक्ष व् उपाध्यक्ष के लिए चुनावी प्रक्रिया 21 तारीख को पुरी की जाएगी। चुनावी प्रक्रिया पुरी करने के लिए एस डी एम् राजगढ़ की अध्यक्षता में नगर पंचायत कार्यालय में सोमवार को 11 बजे बैठक का आयोजन किया जाएगा। गौर रहे कि पिछले माह 24 अगस्त को नगर पंचायत राजगढ़ में वार्ड न० 1 की कांग्रेस पार्षद संतोष तोमर भाजपा में शामिल हो गयी थी और बहुमत में आ जाने के बाद भाजपा के सदस्यों ने कांग्रेस के अध्यक्ष व् उपाध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश किया गया था और 9 सितम्बर को पूर्ण बहुमत के साथ पास भी हो गया था। 15 सितम्बर को जिला सिरमौर उपायुक्त ने एस डी एम् राजगढ़ को अध्यक्ष व् उपाध्यक्ष के चुनाव करवाने के लिए अधिकृत किया और उन्होंने सोमवार 21 तारीख को 11 बजे नगर पंचायत राजगढ़ के सभाग्रह में बैठक का आयोजन रखा है। एस डी एम् राजगढ़ नरेश वर्मा ने कहा कि सोमवार को नगर पंचायत कार्यालय के सभागार में अध्यक्ष व् उपाध्यक्ष के चुनाव की प्रक्रिया पूर्ण करने के सम्बन्ध में 11 बजे बैठक आयोजित की जाएगी।
राजगढ़ में शनिवार को दो कोरोना के मामले सामने आए है। इससे पहले शुक्रवार देर सांय भी दो मामले सामने आए थे और यहाँ कोरोना का कहर बड़ता जा रहा है। इसी सप्ताह में राजगढ़ में 7 मामले सामने आने से दहशत बढ़ती जा रही है। शनिवार को सिविल अस्पताल में किए गए एंटीगन टेस्ट में दो पोजिटिव मामले पाए गए। इनमे नगर पंचायत राजगढ़ में कार्यरत 53 वर्षीय सामुदायिक कार्यकर्ता और उनका पुत्र जो आई जी एम् सी शिमला में एम् बी बी एस कर रहा है पोजिटिव निकले है जबकी पिछली कल जो दो लोग संक्रमित पाए गए वे बुधवार को पोजिटिव पाई गई महिला के प्राथमिक सम्पर्क में थे। वार्ड न० 1 की 55 वर्षीय महिला व् राणाघाट के 65 वर्षीय व्यक्ती ने सराहं में टेस्ट करवाये थे और दोनों की रिपोर्ट पोजिटिव पाई गई। रिपोर्ट पोजिटिव आने के बाद दोनों लोगो को होम आईसोलेट कर दिया गया। प्रभारी सिविल अस्पताल राजगढ़ डा० हितेंद्र ने बताया कि दोनों दिन पोजिटिव आए 4 लोगों को होम आईसोलेट कर दिया गया है।
दाड़लाघाट में शनिवार को अम्बुजा सीमेंट कंपनी में कार्यरत ट्रक ऑपरेटरों की एक संयुक्त बैठक शिव मंदिर दाड़लाघाट में आयोजित हुई।बैठक ट्रक ऑपरेटर अनिल गुप्ता की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में कंपनी द्वारा ढलियारा में खोले गए सीमेंट डंप का ट्रक ऑपरेटरों द्वारा भारी विरोध किया गया। बैठक में सभी ऑपरेटर्स द्वारा मुख्य रूप से ढलियारा में खोले गए सीमेंट डंप को बंद करवाने हेतु चर्चा की गई व सभी ट्रक ऑपरेटरों ने इसे बन्द करने के लिए एक स्वर से आवाज बुलंद की। बैठक में सभी ट्रक सहकारी सभाओं के सदस्यों ने संयुक्त रूप से कहा कि जब भी कोई संघर्ष का बिगुल बजे तो अपने आपसी मतभेद भुलाकर, सभी को एक साथ मिलकर इस मुकाम को पूरा करना ही हमारा मुख्य मकसद होना चाहिए। सदस्यों ने कहा कि इस बैठक में वर्तमान प्रधान व भूतपूर्व प्रधान का बैठक में होना जरूरी था, लेकिन इस बैठक में कोई भी प्रधान उपस्थित नही हुए। चर्चा में सभी ने दुख प्रकट किया कि जो हमारी आवाज कंपनी प्रबंधन तक ले जाने वाले नुमाइंदे हैं वे बैठक में उपस्थित नहीं हो रहे हैं जबकि हम उन्हीं की अगुवाई में इस लड़ाई को लड़ना चाहते हैं लेकिन सदस्यों ने तब राहत की सांस ली, जब अंबुजा प्रभावित किसान सभा के संयोजक जगदीश शर्मा ने कहा कि उनकी एसडीटीओ प्रधान रतन मिश्रा से इस बारे में बात हुई है और रतन मिश्रा ने कमेटी के साथ कंपनी प्रबंधन के पास इस समस्या का समाधान करने हेतु जाने की बात कही है। इस दौरान बैठक में कंपनी प्रबंधन से मिलने को लेकर 20 सदस्यों की एक कमेटी बनाई गई जिसमें हेमराज ठाकुर, टेक चंद वर्मा, कृष्ण चंद भट्टी, जगदीश, वेद प्रकाश, राकेश, राकेश, ललित, महेन्द्र भट्टी, जगदीश ठाकुर, रत्न मिश्रा, नीलम भारद्वाज, सुमन गुप्ता, प्रकाश, नंद लाल, बालकराम ठाकुर व सुरेन्द्र को इस कमेटी में शामिल किया गया। बैठक में चर्चा करते हुए समस्त सदस्यों ने अगली बैठक व कंपनी प्रबंधन से मिलने के लिए अगले सप्ताह के भीतर बैठक करने व कंपनी प्रबंधन से मिलने का फैसला लिया। बैठक में खुले हुए डंप को बंद करने के साथ साथ बठिंडा और रुड़की का रेट रिवाइज, दाड़वा रैक के बजाय रोपड़ भेजने बारे, गाड़ियों की सीमेंट व क्लिंकर में डिटेक्शन को खत्म करने के बारे में चर्चा की गई और गाड़ियों के रजिस्ट्रेशन में भारी बढ़ोतरी बारे में भी चर्चा की गई। इस अवसर पर अनिल गुप्ता, डॉ मुकेश शुक्ला, नीलम भारद्वाज, सुमन गुप्ता, हेमराज ठाकुर,बंटू शुक्ला,रमेश ठाकुर, जगदीश शर्मा,धनीराम ठाकुर, रमेश, इंदर, नरेश ठाकुर, विक्की चंदेल, सुनील, पप्पू, टेक चंद सहित अन्य सभाओं के ट्रक ओपरेटर मौजूद रहे।
स्वास्थ्य विभाग बिलासपुर का फूड एंड सेफटी विंग प्रतिदिन जिलाभर की दुकानों का लगातार निरीक्षण कर रहा है। ऐसे में शनिवार को फूड एंड सेफटी सहायक आयुक्त बिलासपुर महेश कश्यप ने अपनी टीम के साथ नयना देवी जी विस क्षेत्र का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सबसे पहले मां नयना देवी जी में लंगर में बन रहे खाने की व्यवस्थाएं जांची। हालांकि श्रद्धालुओं के लिए लंगर सुविधा आगामी आदेशों पर बंद की गई है, लेकिन यहां पर तैनात ड्यूटी दे रहे पुलिस सहित होमगार्ड व अन्य पुजारियों के लिए लंगर की व्यवस्था है। ऐसे निरीक्षण के दौरान यहां पर सारी व्यवस्थाएं सही रही। सफाई की बात करें तो यहां पर सफाई व्यवस्था भी सही रही, जिसके लिए सहायक आयुक्त ने मंदिर न्यास के प्रयासों का सराहा। सहायक आयुक्त महेश कश्यप ने बताया कि इसके बाद उन्होंने ग्वालथाई इंडस्ट्रीयल एरिया का निरीक्षण किया जिसमें उन्होंने यहां पर उद्योगपतियों द्वारा लगाए फलोर मिल की व्यवस्थाएं जांची, सहित उन्होंने इसके सारे दस्तावेज भी चैक किए। उन्होंने बताया कि शुरूआती दौर में सभी को अपनी कमियां दूर करने के आदेश जारी किए गए है। अगर फिर भी यह व्यवस्थाओं पर सुधार नहीं करते हैं तो कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। जुर्माना और सजा का है प्रावधान केंद्र सरकार की ओर से बनाए गए फूड सेफ्टी एक्ट के तहत लाइसेंस न लेने वालों के लिए कड़ी सजा का प्रावधान रखा गया है। इसमें एक बार चेतावनी देने के बाद उक्त खाद्य पदार्थ विक्रेता को पांच लाख रुपये तक का जुर्माना और छह माह तक की कैद की सजा हो सकती है।
वन, युवा सेवाएं एवं खेल मंत्री राकेश पठानिया ईको टूरिज्म की संभावनाएं तलाशने के लिए 22 सितम्बर को जंजैहली आएंगे। यह जानकारी देते हुए सहायक आयुक्त संजय कुमार ने बताया कि वन मंत्री 22 सितम्बर को प्रातः 11 बजे जंजहैली में ईको पार्क का निरीक्षण करेंगे और क्षेत्र में ईको टूरिज्म संभावनाओं का पता लगाएंगे। उनका रात्रि विश्राम थुनाग विश्राम गृह में होगा। वन मंत्री 23 सितम्बर को नाचन विधानसभा में विभिन्न विकास योजनाओं के शिलान्यास और लाकार्पण करेंगे। वे प्रातः 9.30 बजे वन विश्राम गृह चैल चौक के अतिरिक्त भवन का शिलान्यास, 10.30 बजे मंझागन स्थित छपराहन में फुट ब्रिज, छपराहन में वन रक्षक हट्ट का शिलान्यास और आयुर्वेदिक औषधालय का उद्घाटन करेंगे। वे दोपहर बाद तूना में फुट ब्रिज, जहल और मछरोट में वन रक्षक हट्ट के शिलान्यास करेंगे। इसके उपरान्त उनका धर्मशाला प्रस्थान का कार्यक्रम है।
शहीद कैप्टन बिक्रम बत्रा कॉलेज पालमपुर में "कोविड -19 दुनिया मे समाजशास्त्र की प्रासंगिकता" विषय पर 25 से 26 सितंबर तक दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय बेबिनार का आयोजन किया जाएगा। जानकारी देते हुए आयोजन समिति के सचिव प्रोफेसर सुजीत सरोच ने बताया कि इस अंतरराष्ट्रीय बेबिनार मे देश -विदेश के विश्वविद्यालयों व कॉलेजों के शिक्षाविद, प्रोफेसर, रिसर्च स्कॉलर व विधार्थी भाग ले रहे है जो कोविड -19 वैश्विक महामारी के समाज पर पड़ने वाले प्रभाव व समाजशास्त्र की भूमिका पर अपने-अपने शोध पत्र प्रस्तुत करेगे। उन्होंने कहा कि इस बेबिनार का आयोजन सोशलोजी सोसायटी आफ हिमाचल प्रदेश व समाजशास्त्र विभाग, शहीद कैप्टन विक्रम बत्रा कॉलेज पालमपुर द्वारा किया जा रहा है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इस वेबिनार का संचालन बत्रा कॉलेज पालमपुर के सम्मेलन कक्ष से किया जाएगा जिसमें प्रतिभागी अपने -अपने शोध पत्र आनलाइन प्रस्तुत करेंगे।
कोरोना महामारी के कारन जन जीवन अस्त व्यस्त हो गया है। ऐसे में कई समाजसेवी संस्थाएं हैं जो जन कल्याण में आगे आईं है और लोगों के हित में कार्य कर रही हैं। शिक्षा क्रांति सोलन के स्वयंसेवी भी कोरोना महामारी के दौरान सोलन जिला के विभिन्न स्थानों पर लोगों को स्वच्छता के बारे में जागरूक कर रहे हैं। क्रांति संस्था के संस्थापक सदस्य सत्यन ने जानकारी देते हुए बताया की कोरोना महामारी के दौरान शिक्षा क्रांति के स्वयंसेवी ‘साइलेंट कोरोना वारियर्स’ की भूमिका निभा रहे हैं तथा लोगों को आसपास के परिवेश को स्वच्छ रखने के बारे में जागरूक किया जा रहा है। शिक्षा क्रांति संस्था के स्वयंसेवियों ने जिला प्रशासन सोलन के मार्गदर्शन में नगर परिषद सोलन तथा सोलन पुलिस के साथ मिलकर सब्जी मंडी सोलन तथा मालरोड सोलन में स्वच्छता और स्वास्थ्य अभियान चलाया। इस दौरान लोगों को कोरोना महामारी से बचाव के लिए निर्धारित मानकों को भी पालन करने का आह्वान किया गया। उन्होंने कहा कि आसपास के परिवेश को साफ-सुथरा रखकर ही कोरोना महामारी से बचा जा सकता है। स्वच्छता से रोग से लड़ने की क्षमता बढ़ती है और महामारी की चपेट में आने का खतरा कम होता है । सत्यन ने कहा कि संस्था के स्वयंसेवियों ने स्वच्छता ग्रह प्रोजेक्ट के तहत लाॅकडाउन के दौरान जरूरतमंदों को राशन वितरित करवाया और कोविड-19 के सामुदायिक संक्रमण के समय में वे लोगों को सफाई और स्वास्थ्य को लेकर जागरूक कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा क्रांति के स्वयं सेवी नगर परिषद सोलन एवं पुलिस विभाग के सहयोग से सोलन की पैदल रास्ते वाली जगहों में लोगों से मास्क का प्रयोग करने, खुले में न खाँसने और थूकने, समय-समय पर हाथ धोने, योगाभ्यास एवं व्यायाम करने तथा सार्वजनिक स्थानों में भीड़ एकत्र न करने का आग्रह कर रहे हैं। सत्यन ने कहा कि शिक्षा क्रांति के स्वयंसेवी सार्वजनिक स्थानों पर बिना मास्क चलने वाले लोगों को मास्क एवं सैनिटाइजर वितरित कर रहे हैं। बिना मास्क घूमने वालों को तथा खुले में थूकने वालों को ऐसा न करने की अंतिम चेतावनी देने के बाद चालान काटे जा रहे हैं। सत्यन ने कहा कि स्वच्छता एवं स्वास्थ्य जागरूकता अभियान में पुलिस सिटी सेंटर सोलन के प्रभारी उप निरीक्षक शेर सिंह नेगी तथा नगर परिषद सोलन के स्वच्छता निरीक्षक प्रदीप शर्मा, राजेश कुमार तथा उनके सभी टीम सदस्य सहयोग कर रहे हैं।
शिमला। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद संजौली महाविद्यालय इकाई द्वारा शिक्षा के क्षेत्र से जुड़ी छात्रों की विभिन्न मांगों को लेकर हिमाचल प्रदेश शिक्षा मंत्री गोविंद ठाकुर को को ज्ञापन सौंपा। इकाई उपाध्यक्ष सुशान्तिका वर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि विद्यार्थी परिषद काफी लंबे समय से इन मांगों को प्रशासन के सामने रखती आई है लेकिन इस पर अभी तक कोई भी कार्रवाई नहीं की गई। इसमे हमारी मांग इस प्रकार से है : महाविद्यालय में छात्राओं के लिए छात्रावास का निर्माण जल्द से जल्द किया जाए। महाविद्यालय में छात्रों के लिए पार्किंग की सुविधा उपलब्ध करवाई जाए। अंग्रेजी, इतिहास, इकनॉमिक, B.sc, सोशियोलॉजी में ऑनर्स कोर्स शुरू किए जाए। सेल्फ फाइनेंस कोटा के तहत प्रत्येक विषय में न्यूनतम पांच प्रतिशत सीटें बढ़ाई जाए। महाविद्यालय के मास्टर प्लान के तहत जल्द काम शुरू किया जाए। महाविद्यालय में स्टेडियम का निर्माण जल्द किया जाए। जिला संयोजक सचिन ने बताया कि केंद्रीय उत्कृष्ट महाविद्यालय संजौली एक मात्र ऐसा महाविद्यालय है जिसको उत्कृष्ट की उपाधि मिली है परंतु अभी भी यहाँ पर छात्राओं के लिए छात्रावास नहीं बना है और न इस महाविद्यालय का मास्टर प्लान अभी भी पूर्ण है। एक मात्र उत्कृष्ट शिक्षा केन्द्र होने पर प्रवेश प्रक्रिया में काफी होड़ इस महाविद्यालय में होती है और बहुत मेरिट इस महाविद्यालय में जाति है जिसके चलते यहाँ पर सभी को प्रवेश नहीं मिल पाता। अतः ऐसी परिस्थिति में यहां पर सेल्फ फाइनांस के रूप में भी पांच प्रतिशत सीटे हो जिससे महाविद्यालय के लिए भी आर्थिक तौर पर भी लाभदायक रहेगी। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने चेतावनी देते हुए बताया कि अगर इन मांगों को पूरा नहीं किया गया तो आने वाले समय में विद्यार्थी परिषद उग्र से उग्र आंदोलन करेगी। शिक्षा मंत्री गोविंद ठाकुर ने आश्वासन देते हुए कहा कि इन मांगों को ध्यान में रख कर इन्हें जल्द से जल्द पूरा करने का प्रयास किया जाएगा।
अर्की। भारतीय जनता पार्टी अर्की मंडल के महामंत्री यशपाल कश्यप को जिला के जोगेंद्रा को ऑपरेटिव बैंक का निदेशक चुने जाने पर उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सुरेश कश्यप, प्रदेश संगठन मंत्री पवन राणा, स्वास्थय मंत्री डा. राजीव सहजल, प्रदेश भाजपा उपाध्यक्ष एवं खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरूषोत्तम गुलेरिया, प्रदेश भाजपा उपाध्यक्ष रतन सिंह पाल, जिला भाजपा अध्यक्ष आशुतोष वैद्य सहित अर्की मंडल के अध्यक्ष देवेंद्र उपाध्याय का आभार व्यक्त किया है। कश्यप ने कहा कि उन्हें जो दायित्व सौंपा गया है वे पूरी कर्तव्यपरायणता से उसका निर्वाह करेंगे तथा संस्थान की बेहतरी के लिए कार्य करेंगे।
कुनिहार। कोरोना के चलते जहाँ लम्बे समय से सभी मंदिर व अन्य संस्थान बंद थे तो अब वहीँ सरकार द्वारा मंदिरों को खोलने की मंजूरी के साथ ही मंदिरों में रौनक शुरू होने लग गई है और श्रद्धालुओं में भी खुशी व्याप्त है। कुनिहार की प्रसिद्द शिव ताण्डव गुफा लाखों भक्तों की श्रद्धा का केंद्र है। गुफा विकास समिति द्वारा करवाए जाने वाले विभिन्न कार्यक्रमों पर भी कोरोना का कई महीने असर रहा लेकिन अब धीरे-धीरे श्रद्धालु अपने इष्ट देव के दर्शनों के लिए आने शुरू हो गए है। अध्यक्ष राम रतन तनवर व उपाध्यक्ष अमरीश ठाकुर ने बताया कि सरकार व प्रशासन के दिशा निर्देशों का पालन करते हुए गुफा में सामाजिक दूरी, मास्क व सैनिटाइजर आदि का पूरा ध्यान रखा जा रहा है। उन्होंने बताया कि जेष्ठ रविवार से दो दिवसीय राम चरित मानस कथा का अखण्ड पाठ गुफा में आरम्भ किया जाएगा जिसे जेष्ठ सोमवार को हवन व पूर्णाहुति के साथ विराम दिया जाएगा। समिति ने गुफा में शिवलिंग के दर्शन को पहुंचने वाले सभी श्रद्धलुओं से अपील की है कि सरकार व प्रसासन के दिशा निर्देशों का जरूर पालन करें।
बाल्मीकि सभा बिलासपुर द्वारा एक कार्यक्रम का अयेाजन किया गया, जिसमें सभा के प्रधान अशोक कुमार की अध्यक्षता में एडीएम तोरूल एस रवीश को बिलासपुर में कार्यभार संभालने पर उनका स्वागत किया गया। एडीएम को शाॅल व टोपी देकर सभा के पदाधिकारियों द्वारा सम्मानित किया गया। इस दौरान सभा के प्रधान अशोक कुमार ने सभा की मुख्य मांगों को लेकर एडीएम से चर्चा भी की। चर्चा के दौरान एडीएम ने सभा के पदाधिकारियों का आश्वस्त किया है कि जिला प्रशासन की ओर से वाल्मीकि सभा को पूरा सहयोग रहेगा। इस मौके पर वाल्मीकि महिला मंडल की अध्यक्षा संतोष देवी, सदस्य सुनील कुमार, रिशू कुमार, संदीप सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
अल्ट्राटेक सीमेंट बागा द्वारा कोविड-19 के विपरीत पड़ रहे प्रभावों को रोकने हेतु बागा व आस पास के क्षेत्रों में हाइपोक्लोराइड का छिड़काव किया गया। इस दौरान कंपनी परिसर में समाजिक दूरी, हैंड वॉश का प्रयोग नियमित कर्मचारियों व स्टाफ द्वारा किया जा रहा है। साथ ही साथ अपने सामाजिक दायित्व का निर्वहन करते हुए महिला मंडल, स्वयं सहायता समूह के माध्यम से कोविड-19 महामारी से बचने हेतु जागरूक किया जा रहा है। कंपनी के यूनिट हेड नवनीत चौहान ने बताया कि माह मार्च से ही कंपनी कोविड-19 महामारी को रोकने हेतु कृत संकल्प है ओर औद्योगिक परिसर में कोविड-19 के सुरक्षा मानकों के साथ-साथ सरकार से प्राप्त दिशा निर्देशों का पालन किया जा रहा है। कंपनी द्वारा सुरक्षा हेतु किए जा रहे प्रयासों में ग्राम पंचायत कंधर,मांगल,धार टटोह,खारसी,रानी कोटला का सहयोग पूर्ण रूप से प्राप्त हो रहा है।
पुलिस थाना दाड़लाघाट के तहत पंचायत पारनु के गांव नेरी के एक व्यक्ति ने घर के पंखे से लटक कर आत्महत्या कर ली। आत्महत्या का कारण मानसिक परेशानी बताया जा रहा है। मृतक घर पर खेती बाड़ी का काम करता था।जानकारी के अनुसार नेरी गांव के 38 वर्षीय कुलदीप अपने ससुराल से बीवी बच्चों के साथ लौटा था। ससुराल से आते समय रास्ते में वो अपने बच्चों पहले घर पहुच गया और जब उसकी बीवी बच्चे घर पहुचे तो उन्होंने उसे घर की छत से लटका हुआ पाया। शोर मचाने पर पड़ोस के लोग भी वहां इकट्ठा हो गए। पड़ोसियों ने कुलदीप को नीचे उतारा लेकिन तब तक उनकी की मौत हो चुकी थी। पड़ोसियों ने घटना की सूचना स्थानीय पुलिस को दी। पुलिस ने मोके पर पहुँच कर शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अर्की भेज दिया है। पुलिस द्वारा आइपीसी की धारा 174 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली गयी है। अर्की सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में शव का पोस्टमार्टम करवा कर शव परिजनों के सपुर्द कर दिया गया है। एएसपी सोलन अशोक वर्मा ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया के मामले में 174 के तहत कार्यवाही अमल में लाई जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह साफ होगी।
हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा अर्की उपमंडल के अंतर्गत कशलोग पंचायत का विभाजन कर 15 सितंबर को कोटलू पंचायत का पुनर्गठन किया गया। समाणा सेरा,फगवाना,कोटलू,बरसणु,बनोग गांव के लोग खुश हैं। इन गांव के लोगों ने हिमाचल प्रदेश सरकार के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर,पंचायती राज मंत्री वीरेंद्र कंवर,पूर्व मुख्यमंत्री व वर्तमान में अर्की विधानसभा के विधायक राजा वीरभद्र सिंह,अर्की विधानसभा के नेता व प्रदेश भाजपा के उपाध्यक्ष रत्न पाल का दिल की गहराइयों से आभार प्रकट किया है। इस अवसर पर पवन ठाकुर,राजेश भट्टी,सागर शर्मा,पवन शर्मा,रतिराम,सुनील कुमार,प्रकाश चंद ने संयुक्त रुप से सरकार का हार्दिक आभार प्रकट किया है और उम्मीद जाहिर की है कि कोटलु पंचायत के गठन से इस पंचायत की विकास गति में और वृद्धि होगी।
रोहड़ू उपमंडल के मंढारली गांव मे एक 45 वर्षीय व्यक्ति कोरोना पॉजेटीव पाया गया है। वहीं उपतहसील सरस्वतीनगर के गिलटाडी से भी दो महिलाए पॉजेटीव पाई गई हैं। इनमें एक व्यकित को कोविड केयर सेंटर रोहड़ू शिफ्ट किया गया है। गिलटाडी से संबधित दोनों महिलाओं का टेस्ट शिमला में लिया गया था, जो 12 सितम्बर से शिमला में ही रखा गया है।
बिलासपुर कांग्रेस कमेटी की सचिव मीरा भोगल ने वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री राजीव शुक्ला को प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मामलों का प्रभारी बनने पर बधाई दी है। उन्होंने कहा कि राजीव शुक्ला के हिमाचल प्रभारी बनने से उनके लंबे राजनीतिक अनुभव का लाभ प्रदेश कांग्रेस को मिलेगा क्यूंकि राजीव शुक्ला एक अनुभवी राजनीतिज्ञ हैं। उनके मार्गदर्शन से हिमाचल कांग्रेस को लाभ होगा। उन्होंने प्रदेश कांग्रेस की निवर्तमान प्रभारी रजनी पाटिल को जम्मू-कश्मीर कांग्रेस का प्रभारी बनने पर बधाई दी वहीं वरिष्ठ नेता और राज्यसभा में कांग्रेस के उपनेता आनंद शर्मा को कांग्रेस कार्यसमिति का सदस्य बनने पर भी बधाई दी।
रविवार को ब्लॉक कांग्रेस सोलन की मीटिंग जौनाजी क्षेत्र में हुई, जिसमें विधायक कर्नल धनीराम शांडिल ने विशेष तौर पे शिरकत कि। मीटिंग का मुख्य उद्देश्य नवनियुक्त कार्यकारणी का आपस पे परिचय व आने वाले पंचायत व नगर निकाय के चुनावों में कांग्रेस की जीत को सुनिश्चित करना था। सभा ने ये निर्णय लिया कि जल्द ही बूथ कमेटियां पूरे विधानसभा क्षेत्र में बना दी जाएगी और हर बूथ से कार्यकर्ताओं को जोड़ा जाएगा और लोगों की समस्याओं का समाधान किया जाएगा। इस मौके पर प्रदेश कांग्रेस के सचिव हमिन्दर ठाकुर, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष संजीव ठाकुर, शहरीं कांग्रेस अध्यक्ष अंकुश सूद, सचिन ग्रोवर, अनिल, मनीष ठाकुर, जौनाजी प्रधान सुनीता, सुरेंदर ठाकुर, केशव कांत, बीशा प्रधान सीता ठाकुर, बाशा से निशा शर्मा, तोप की बेर से कर्म दत्त उप प्रधान, चायल से महेश कनोजिया, हिनर से उपप्रधान हरबंस ठाकुर, कंडाघाट से महासचिव मनीष शर्मा, भीम ठाकुर, bdc सोलन चैयरमेन सविता शांडिल, बी डी सी मेंबर अजय व जगदीश उपस्थित थे।
राज्य कांग्रेस उपाध्यक्ष एवं विधायक राजेंद्र राणा ने प्रेस बयान में कहा है कि बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना रनौत हिमाचल की प्रतिभावान बेटी हैं। उन्हें अगर धमकी मिली है तो उस धमकी को गंभीरता से लेते हुए उनकी रक्षा-सुरक्षा करना देश और राज्य सरकार की जिम्मेदारी है। कंगना को जो सुरक्षा दी गई है, उसका विपक्षी पार्टी होने के नाते वह स्वागत करते हैं लेकिन देश का ध्यान असली मुद्दों से भटका कर कंगना के कंधे पर बंदूक रखकर राजनीति करना गलत बात है। बीजेपी वर्तमान में ऐसा ही कुछ कर रही है। राणा ने कहा कि अब इस मुद्दे को लेकर देश की सत्तासीन राजनीति जनता का ध्यान भटकाने में लगी है जबकि देश में हर मामले को लेकर त्राही-त्राही मची हुई है। छोटे कारोबारियों के कारोबार बंद होने को हैं जबकि अधिकारी व कर्मचारी अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं। देश में लगातार बेरोजगारी बढ़ रही है। चारों ओर भ्रष्टाचार व अराजकता का बोलबाला सिर चढ़ कर बोल रहा है। सरकार व सिस्टम पर दलाल माफिया हावी व प्रभावी है। विकास की जीडीपी शुन्य से रसातल की ओर चलती हुई माइनस 24 फीसदी तक पहुंच चुकी है। राणा ने कहा कि यह आंकड़ा झूठ की राजनीति कर रही सरकार का है। ऐसे में इस पर भरोसा करना वर्तमान दौर में कोई अक्लमंदी नहीं होगी। ऐसे में स्वार्थ की राजनीति से ओतप्रोत बीजेपी ने अब अपनी राजनीति के लिए अभिनेत्री कंगना रनौत को टूल बनाया है, ताकि देश के लोग असली मुद्दों पर सवाल ही न उठा सकें। उन्होंने कहा कि बीजेपी कंगना की सुरक्षा के मुद्दे पर लोगों का ध्यान फोक्स करवाकर अपनी नाकामी व नालायकी से बचने का असफल प्रयास कर रही है।
बिलासपुर से संबंध रखने वाले वरिष्ठ नेत्र रोग विषेशज्ञ डा. अशोक कुमार को पीजीआई चंडीगढ़ में संपन्न हुए वर्चुअल आई डोनेशन फोर्टनाईटट (ईडीएफ) 2020 समारोह के दौरान नेत्र रोग क्षेत्र में उत्कृष्ट सेवाएं देने पर काॅर्निया हीरो के विशेष पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। यह पुरस्कार उन्हें पंजाब राज्य के मुख्य सचिव विन्नी महाजन द्वारा प्रदान किया गया। बता दें कि पूरे भारत वर्श में मार्च से लेकर जून 2020 तक आई डोनेशन यानि नेत्र दान करने में 80 प्रतिशत की गिरावट आई है जबकि कैरटोपलास्टी सर्जरी में भी 78 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है इसलिए पंजाब राज्य ने कोर्नियल ब्लाइंडनेस बैकलाॅग फ्री (सीबीबीएफ) मुहिम को और तेज करने के लिए विशेष अभियान छेड़ा गया है। इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए डिपार्टमेंट आफ काॅम्यूनिटी मेडीसीन एंड स्कूल ऑफ़ पब्लिक हैल्थ पीजीआईएमजीईआर चंडीगढ़, एनपीसीवीवीआई, पंजाब एंड यूटी चंडीगढ़, रोटरी आई बैंक एंड काॅर्नियल ट्रांसप्लांटेशन सोसायटी (पंजीकृत) होशियारपुर पंजाब, स्ट्रैटजिक इंस्टीटयूट फार पब्लिक हैल्थ एजूकेषन एंड रिसर्च (एसआईपीएचईआर) ने अपना अहम योगदान देकर नेत्र रोग व नेत्र दान क्षेत्र में काम करने वाले वाॅरियर्स का सम्मान किया। क्या कहते हैं काॅर्निया हीरो डा. अशोक कुमार शर्मा का कहना है कि काॅर्निया ग्राफ्टिंग के लिए डोनर आई का होना अति आवष्यक है। जितने ज्यादा लोग अपनी आंखों का दान करेंगे उतने अंधे लोग इस सुंदर दुनिया को देख पाएंगे। उन्होंने बताया कि इसके लिए समाज में जागरूक होना जरूरी है। डा. अशोक ने बताया कि अब सभी जगह आई बैंक की सुविधा हो गई है वहीं सरकार ने भी इसी संवेदनशील मसले को लेकर भारत सरकार ने एचसीआरसी कार्यक्रम की शुरुआत की है जिसमें मृत्यु पश्चात मृतक के परिजनों की सहमति ली जाती है ताकि आंखे दान की जा सके। उन्होंने कहा कि हर साल 25 अगस्त से 8 सितंबर तक नेत्र दान करने के लिए जागरूकता शिविरों का आयोजन किया जाता है जिसमें एनजीओ के माध्यम से या एक्सपर्ट के लैक्चर के जरिए गांव-गांव में जाकर लोगों को आई डोनेषन के बारे में समझाया जाता है तथा फार्म भरने के लिए प्रेरित किया जाता है।
खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मंत्री राजेन्द्र गर्ग ने विश्राम गृह लोक निर्माण विभाग घुमारवीं में लोगों की जन समस्याओं को सुना तथा अधिकतर शिकायतायों का मौके पर ही निपटारा किया। इस अवसर पर राजेन्द्र गर्ग ने कहा कि वर्तमान केन्द्र व राज्य सरकार द्वारा अनेक कल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही है ताकि किसान, गरीब व पिछड़े वर्ग के लोगों के जीवन स्तर को बेहतर बनाया जा सके। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार द्वारा चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं का मुख्य उद्देश्य किसान मजदूर व गरीब वर्ग के लोगों को लाभान्वित करना है ताकि वे सम्मान पूर्वक अपना जीवन यापन कर सके। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश की विकास यात्रा का महत्वपूर्ण पहलू यह है कि आखिरी पायदान पर खड़े व्यक्ति को विकास की यात्रा का भागीदार बनाने का प्रयास किया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सरकार द्वारा महिला सशक्तिकरण एवं पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य से हिमाचल गृहिणी सुविधा योजना आरम्भ की गई। इस योजना के अंतर्गत उज्ज्वला योजना में आंशिक रूप से छुट हुए परिवारों को भी निःशुल्क घरेलू गैर कुनेक्शन प्रदान किए गए ताकि कोई भी घर गैस कुनेक्शन से वंचित न रह सके। उन्होंने कहा कि इस योजना से जहां महिलाओं को धुंए से होने वाली परेशानियों से मुक्ति मिली, वहीं पर्यावरण संरक्षण में भी काफीलाभ हुआ है। इस अवसर पर हिमाचल की बेटी कंगना रणौत के सर्मथन में महिला मोर्चा मंडल घुमारवीं द्वारा हस्ताक्षर अभियान चलाया गया। मंत्री राजेन्द्र गर्ग ने भी अभियान में हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर मंडल महामंत्री राजेश शर्मा, महिला मोर्चा मंडल घुमारवीं अध्यक्ष कमलेश ठाकुर, महामंत्री रेणु ठाकुर, निर्मला देवी, उपाध्याय गोमती गौतम, सचिव शीतल नेगी, रंजना देवी, सदस्य कोमल उपस्थित थी।
कुनिहार। पुलिस पेंसनर्ज वैलफेयर एसोसिएशन कुनिहार ने सालों से अपनी मांगे पूरी न होने के कारण मुख्यमंत्री और पुलिस महानिदेशक से नाराज़गी जताई है। एसोसिएशन का कहना है की पुलिस पेंसनर्ज की पांच साल से चली आ रही मुख्य मांगों पर प्रदेश सरकार व पुलिस महानिदेशक ने किसी प्रकार से कोई विचार नहीं किया और न ही किसी प्रकार आश्वासन दिया है। जब नए पुलिस महानिदेशक ने पद संभाला है एसोसिएशन ने पत्राचार द्वारा उन्हें अपनी मांगों के बारे में आग्रह किया था लेकिन आज तक उन मांगों को लेकर एसोसिएशन को अवगत नहीं करवाया गया। एसोसिएशन के प्रधान धनीराम तनवर ने मांग की है कि किसी भी पुलिस पेंशनर के निधन होने पर अन्तिम सम्मान के समय फौजी पेंशनर की तर्ज पर कुछ राहत राशि पीड़ित परिवार को दी जानी चाहिए। साथ ही साल 2015 के अन्तिम सम्मान के आदेश की कापी थाने चौकी के नोटिस बोर्ड या थाने की स्टैंडिंग आर्डर फाइल पर रखी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि जल्दी ही अपनी मांगों को लेकर एसोसिएशन पुलिस महानिदेशक महोदय से मुलाकात करके उनके समक्ष पेश करेगी। इस दौरान एसोसिएशन के प्रधान धनीराम तनवर, गुरदयाल चौधरी, दीपराम ठाकुर, रत्तीराम शर्मा, लेखराम काइथ, संतराम चंदेल, आशा ठाकुर, पुष्पा सुद, रूपराम ठाकुर, पतराम पंवर, केदार ठाकुर, जगदीश चौहान, मुनीलाल चौहान, बिना चौहान, राजेंदर शर्मा इत्यादि मौजूद रहे।
रोहड़ू। रोहड़ू उपमंडल में बढ़ती वाहन दुर्घटनाएं चिंता का विषय है। उपमंडल में पिछले दो दिनों में घटी दो दुर्घटनाओं में 4 लोगों ने जान गंवाई है। रोहड़ू पुलिस ने याता यात नियमों मे कोताही बरतना इन घटनाओं का कारण बताया है। डीएसपी रोहड़ू सुनील नेगी ने बताया कि अधिकतर दुर्घटनाएं मानवीय भूल के कारण घटती हैं। यह बड़े खेद की बात है कि हम लोग अपने बहुमूल्य जीवन को हर पल खतरे में डाल कर चलते हैं। वाहनों को अप्रशिक्षित हाथों में देना, शराब पीकर वाहन चलाना, वाहन चलाते हुए मोबाइल सुनना, तेज़ रफ्तारी से चलना, ओवरलोड होना, गलत तरीके से ओवरटेक करना, रात को हाई बीम का प्रयोग करना, अत्यधिक थके व नींद में वाहन चलाना, दुपहिया वाहनों पर हेलमेट न पहनना, गाड़ी को समय पर मेंटेनेंस व चेक न करना, खराब सड़कों पर वाहन चालन का रिस्क लेना व सड़क पर स्टंट करना आदि दुर्घटना के कुछ मुख्य कारण हैं। उन्होने बताया कि यह आपके हाथ में है कि आपको अपनी ज़िंदगी पसंद है या मौत या फिर एक अपंग जीवन दुर्घटनाओं का परिणाम हम जब जानते हैं लेकिन दुर्भाग्य यह कि हम सबक नहीं ले रहें हैं। मेरी यह हिदायतें है कि सबी वाहव चालक व मालिक यातायात के नियमों की अनुपालना करते हुए एक ज़िम्मेवार नागरिक होने का परिचय दें जिसमें आपकों ध्यान रहें कि वाहनों को ओवरलोड न करें, शराबी, नशेड़ी व अप्रशिक्षित को गाड़ी न दें, अन्यथा दुर्घटना होने पर वाहन मालिक भी आरोपी बनेगा। नशा करके न तो वाहन चलाएं न ऐसे वाहन में बैठें जिसे कोई नशा करके चला रहा हो, सीट बेल्ट का प्रयोग करें। इन बातों का ध्यान रखना भी ज़रूरी है कि सदैव सुरक्षित वाहन चलाएं व ट्रैफिक नियमों का पालन करें। मात्र पुलिस के चालान से बचने के लिए सुरक्षा अपनाने का दिखावा न करें। अनुशासन, सड़क सुरक्षा व ट्रैफिक नियमों को अपने जीवन मे उतारें व सड़क पर स्वयं सुरक्षित होकर दूसरों की सुरक्षा भी सुनिश्चित करें।
रोहड़ू। रोहड़ू के विधायक मोहन लाल ब्राक्टा नें अपने दो दिवसीय दौरे के दूसरे दिन रोहड़ू विकास खण्ड के भलाडा पंचायत के पड़छना (धारा) गाँव का दौरा किया। वहां के महिला मंडल की महिलाओ व स्थानीय लोगों ने विधायक मोहन लाल ब्राक्टा का फूल मालाएं पहनाकर जोरदार स्वागत किया। महिला मण्डल की महिलाओ ने विधायक के समक्ष अपनी समस्याओं से अवगत कराया। वहीं विधायक ने समस्याओं को सुना व हर प्रकार की सहायता करने का आश्वसन भी दिया। इस दौरान विधायक के साथ कांग्रेस मण्डल रोहड़ू से रमेश दिवांटा वरिष्ठ कांग्रेसी नेता, अमृत फिष्टा, महासचिव रविन्द्र जोरटा राजिंदर फिश्टा, राजेश फिश्टा, रंजीत गेदटा सचिव कांग्रेस मण्डल रोहड़ू, विजय दिवान्टा, अशोक डांडा जिला प्रवक्ता शिमला युवा कांग्रेस, रविन्द्र फिश्टा, प्रधान महिला मण्डल पूनम फिष्ठा, सदस्य महिला मण्डल पड़चना धारा बिना, ममता फिष्टा, लक्षमी फिष्टा, उषा फिश्टा, पार्वती, सकीना, रेखा, पिमा, संधिरा, प्रोमिला, रचना, श्यामा, राधा, सलोचना, कल्पना व समस्त महिला मण्डल की सदस्यों के इलावा स्थानीय लोग भी मौजूद रहें।
कुनिहार। बेरोजगार प्रशिक्षित शारीरिक शिक्षक संघ जिला सोलन का प्रतिनिधिमंडल संघ के अध्यक्ष यतेंद्र पाल के नेतृत्व में अपनी मांगों को लेकर के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण और आयुर्वेदिक मंत्री डॉक्टर राजीव सैजल से मिलाl इस अवसर पर संघ के प्रतिनिधि मंडल ने स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर राजीव सहजल को अपनी मांगों का ज्ञापन पत्र सौंपा। स्वास्थ्य मंत्री ने संघ के प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि वे संघ की उचित मांगों को सरकार के समक्ष रखेंगे व शीघ्र ही इस मांग पत्र माध्यम से मुख्यमंत्री एवं शिक्षा मंत्री के समक्ष संघ का पक्ष मजबूती से रखेंगे इस प्रतिनिधिमंडल में संघ के उप प्रधान हीरा दत्त शर्मा, नरेश कुमार कौशल, कोषाध्यक्ष देवेंद्र कुमार एवं कार्यकारिणी सदस्य इंदर सिंह सहित प्रतिनिधि मंडल के सभी सदस्य इस अवसर पर उपस्थित रहे रहे l संघ की मांग पत्र के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए संघ के प्रधान यतेंद्र पाल ने बताया कि इस मांग पत्र के माध्यम से प्रदेश सरकार से हिमाचल प्रदेश में रिक्त पीईटी के पदों को कमीशन, बैच वाइज एवं बैकलॉग से भरने की पुरजोर गुहार लगाई हैl उन्होंने बताया की पिछले कई वर्षों से प्रदेश में नाममात्र के पीईटी के रिक्त पद भरे हैं, जिससे बेरोजगार प्रशिक्षित शारीरिक शिक्षकों में मायूसी छाई हैl वर्तमान सरकार द्वारा 7 अक्टूबर 2018 को शारीरिक शिक्षकों के 2000 पद भरने की घोषणा की गई थी परंतु इस घोषणा को अभी तक व्यवहारिक अमलीजामा नहीं पहनाया गया हैl साथ ही संघ ने बैकलॉग के माध्यम से भी शारीरिक शिक्षकों के रिक्त पदों को भरने की मांग की हैल साथ ही संघ ने योगा शिक्षा को प्राथमिक स्तर से अनिवार्य विषय के रूप में सम्मिलित करके योग शिक्षकों की भर्ती में प्रशिक्षित बेरोजगार शिक्षकों को प्राथमिकता के आधार पर उन्हें प्राथमिकता दी जाए l
मजदूर संगठन सीटू 15 सितम्बर को हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा विधानसभा में प्रस्तुत किए गए पांच मजदूर विरोधी अध्यादेशों के खिलाफ विधानसभा पर हल्ला बोलेगा। सीटू ने प्रदेश सरकार को चेताया है कि अगर उसने इन अध्यादेशों को वापिस न लिया तो मजदूर सड़कों पर उतरेंगे। सीटू प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा व महासचिव प्रेम गौतम ने केंद्र व प्रदेश सरकार को चेताया है कि वे मजदूर विरोधी कदमों से हाथ पीछे खींचें अन्यथा मजदूर आंदोलन तेज होगा। उन्होंने कहा है कि कोरोना महामारी के इस संकट काल को भी शासक वर्ग व सरकारें मजदूरों का खून चूसने व उनके शोषण को तेज करने के लिए इस्तेमाल कर रही हैं। हिमाचल प्रदेश, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, गुजरात, हरियाणा, महाराष्ट्र, राजस्थान में श्रम कानूनों में बदलाव इसी प्रक्रिया का हिस्सा है। उन्होंने कहा है कि हिमाचल प्रदेश सरकार भी इन्हीं नीतियों का अनुसरण कर रही है। कारखाना अधिनियम 1948 में तब्दीली करके हिमाचल प्रदेश में काम के घण्टों को आठ से बढ़ाकर बारह कर दिया गया है। इस से एक तरफ एक-तिहाई मजदूरों की भारी छंटनी होगी वहीं दूसरी ओर कार्यरत मजदूरों का शोषण तेज़ होगा। फैक्टरी की पूरी परिभाषा बदलकर लगभग दो तिहाई मजदूरों को चौदह श्रम कानूनों के दायरे से बाहर कर दिया गया है। उद्योगपतियों द्वारा कानूनों की अवहेलना करने पर उसका चालान नहीं होगा व उन्हें खुली छूट दी जाएगी। मजदूरों को ओवरटाइम काम करने के लिए बाध्य करने से बंधुआ मजदूरी की स्थिति पैदा होगी। ठेका मजदूर अधिनियम 1970 में बदलाव से हजारों ठेका मजदूर श्रम कानूनों के दायरे से बाहर हो जाएंगे। इस से ठेकेदारों व स्थापनाओं को खुली छूट मिल जाएगी। औद्योगिक विवाद अधिनियम 1947 में परिवर्तन से जहां एक ओर अपनी मांगों को लेकर की जाने वाली मजदूरों की हड़ताल पर अंकुश लगेगा। हड़ताल करने पर उन्हें दण्डित किया जाएगा। वहीं दूसरी ओर मजदूरों की छंटनी की पक्रिया आसान हो जाएगी व उन्हें छंटनी भत्ता से भी वंचित होना पड़ेगा। तालाबंदी, छंटनी व ले ऑफ की प्रक्रिया भी मालिकों के पक्ष में हो जाएगी। इन बदलावों से हिमाचल प्रदेश के 73 प्रतिशत मजदूर श्रम कानूनों के दायरे से बाहर हो जाएंगे क्योंकि यहां पर ज़्यादातर उद्योग माइक्रो, स्मॉल व मीडियम एंटरप्राइज हैं। मॉडल स्टेंडिंग ऑर्डरज़ में तब्दीली करके फिक्स टर्म रोज़गार को लागू करने से मजदूरों को केवल तीन अथवा छः महीने तक नौकरी पर रखा जाएगा व उनके 240 दिन पूरे न होने के कारण उन्हें मजदूर का दर्ज़ा देने से ही महरूम कर दिया जाएगा। इस से मजदूर छंटनी भत्ता, ग्रेच्युटी, नोटिस पे, श्रम विभाग के तहत समझौता वार्ता जैसी प्रक्रिया से बाहर हो जाएंगे। न्यूनतम वेतन अधिनियम 1948 की धारा 18 के तहत मेंटेनेंस ऑफ रिकोर्डज़ एन्ड रेजिस्टर्ज़ को कमज़ोर करने से श्रमिकों की पूरी सामाजिक सुरक्षा खत्म हो जाएगी व मालिक मजदूरों का कोई रिकॉर्ड नहीं रखेंगे व किसी भी हादसे की स्थिति में उनसे अपना पल्ला झाड़ लेंगे। उन्होंने मजदूर विरोधी कदमों व श्रम कानूनों में मजदूर विरोधी बदलावों पर रोक लगाने की मांग की है। उन्होंने सरकार को चेताया है कि अगर पूंजीपतियों व उद्योगपतियों को फायदा पहुंचाकर मजदूरों के शोषण के कदमों को रोका न गया तो मजदूर सड़कों पर उतरकर सरकार का प्रतिरोध करेंगे।
डाइट शिमला कोरोना काल में अध्यापकों के लिए समय समय पर क्षमताओं को निखारने के लिए ऑनलाइन कार्यक्रम आयोजित करती रहती हैI इसी कड़ी में राष्ट्रीय आविष्कार अभियान डाइट शिमला की तरफ से हिमाचल प्रदेश स्टेट रामानुजन मैथ क्लब के साथ मिलकर 'विज्ञान को सरलता से जानिए' पर दो दिवसीय राष्ट्रीय वेबनार का आयोजन किया जा रहा हैI इस वेबनार में देश के जाने-माने शिक्षाविद तथा वैज्ञानिक विभिन्न विषयों पर अपना व्यक्तव्य पेश करेंगेI कार्यक्रम का उद्घाटन डॉ यशवंत सिंह परमार नौनी विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रोफेसर के आर धीमान करेंगेI अन्य स्त्रोत व्यक्तियों में विज्ञान प्रसार, भारत सरकार के वरिष्ठ वैज्ञानिक कपिल त्रिपाठी, इसरो के पूर्व वैज्ञानिक भरत चनियारा, ए पी जे के वाय एस हरियाणा के डायरेक्टर दर्शन लाल, एनसीटीएस के डायरेक्टर एस वी बुरली तथा ऑल इंडिया रामानुजन मैथ क्लब के डायरेक्टर चंद्रमौली जोशी होंगेI डाइट के प्रधानाचार्य जयदेव नेगी ने बताया कि यह कार्यशाला सभी अध्यापकों के लिए, खासकर विज्ञान अध्यापकों के लिए अत्यंत रुचिकर होने वाली हैI इस वेबिनार के संयोजक डाइट शिमला के प्रवक्ता डॉ. संजीव कुमार ने बताया कि यह वेबिनार यूट्यूब चैनल-'हिमाचल प्रदेश स्टेट रामानुजन मैथ्स क्लब' पर लाइव स्ट्रीम किया जाएगा। हमारे अध्यापक साथी इस चैनल पर जाकर इसका लाभ उठा सकते हैं। राष्ट्रीय वेबिनार का समापन 15 सितंबर को समग्र शिक्षा, हिमाचल प्रदेश के निदेशक आशीष कोहली द्वारा किया जाएगाI इस वेबिनार में देश भर के शिक्षक भाग ले रहे हैं। प्रदेश में राष्ट्रीय स्तर पर विज्ञान शिक्षण को प्रोत्साहित करने वाला यह पहला आयोजन है।
हिमाचल, देवी देवताओं की भूमि है और यहां की आबोहवा में कई रोचक कहानियां छुपी हैं। ये कहानी है कोयला माता मंदिर की। कोयला माता मंदिर मंडी जिला मुख्यालय से 20 किलोमीटर दूर स्थित है। माना जाता है कि माता शक्ति ने यहाँ कोलासुर नामक राक्षस का वध किया था और लोगों को उसके प्रकोप से बचाया था जिस कारन इसका नाम पड़ा। यहां माता के दर्शन के लिए दूर-दूर से लोग आते है। लोक कथाओं के अनुसार, प्राचीन समय में राजगढ़ की पहाड़ी पर यह मंदिर एक चट्टान के रूप में ही था। बाद में यह मंदिर कैसे अस्तित्व में आया और कोयला माता की पूजा अर्चना कैसे शुरू हुई इसके बारे में एक कथा प्रचलित है। कहा जाता है की उस समय राजगढ़ और आस-पास के क्षेत्र में दिन-प्रतिदिन मातम का माहौल छाया रहता था। हर दिन किसी न किसी के घर पर, कोई न कोई व्यक्ति मृत्यु का शिकार हो जाता। इस तरह राजगढ़ क्षेत्र का दाहुल शमशान घाट किसी भी दिन बिना चिता जले नहीं रहता था। यदि किसी दिन शमशान घाट में शव नहीं पहुंचता तो उस दिन वहां पर घास का पुतला जलाना पड़ता था। स्थानीय लोगों के मन में ये धारणा बन गई कि चिता के न जलने से किसी प्राकृतिक प्रकोप व् आपदा सामना करना पड़ेगा। इस तरह घास के पुतले को जलाने की प्रथा से यहां शुरू हो गई और जिस भी दिन कोई मृत्यु नहीं होती लोग शमशानघाट में घांस का पुतला जलाते।लेकिन हर दिन अंतिमसंस्कार कर लोग तंग आ गए थे और इस से छुटकारा चाहते थे। हर दिन दुःख दुखी से बचने के लिए क्षेत्र के लोगों ने देवी माँ के आगे प्रार्थना की। लोगों की प्रार्थना से माँ काली प्रसन्न हो गईं और देखते ही देखते एक व्यक्ति में देवी प्रकट हो गईं और वह व्यक्ति माँ की वाणी बोलने लगी। स्थानीय भाषा में इसे “खेलना ” कहते हैं। जभ वह व्यक्ति खेल गया तो माता का आदेश बताते हुए उसने कहा-“मैं यहाँ की कल्याणकारी देवी हूँ……तुम्हें घास के पुतले जलाने की प्रथा मुक्त करती हूँ। सुखी रहो और मेरी स्थापना यहीं कर दो।" लोगों ने जब व्यक्ति के मुख से देवी के वाक् सुने तो उन्होंने देवी से कही गई बातों का प्रमाण माँगा। इस पर उस खेलने वाले व्यक्ति ने पास की विशाल चट्टान की ओर इशारा किया और देखते ही देखते चट्टान से घी टपकने लगा। इसके बाद यहां से हमेशा घी बहता रहता था और इसका उपयोग लोग माँ की जोत जलाने के साथ ही अपने घर में भी करते थे। वहीं अचानक कुछ समय बाद इस चट्टान से घी टपकना बंद हो गया। इस के बारे में बताय जाता है की एक बार एक गद्दी अपनी भेड़ बकरियां लेकर इस रास्ते से गुजर रहा था। चढ़ाई चढ़ने के बाद वो आराम के लिए उसी चट्टान के समीप बैठ गया और वहां बैठ कर खाना खाने लगा। फिर उसने अपनी रोटी पर घी लगाने के उद्देश्य से अपनी जूठी रोटी चट्टान पर रगड़ने दी। जूठन के फलस्वरूप उसी दिन से चट्टान से घी टपकना बंद हो गया।
शिक्षकों और विद्यार्थियों को स्कूलों में बुलाने को लेकर अगले सप्ताह एसओपी जारी होगी। केंद्र सरकार से जारी अनलॉक-4 की गाइडलाइन के अनुसार 9वीं से 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों को 21 सितंबर से स्कूलों में बुलाने को हरी झंडी मिल गई है। केंद्र ने अभिभावकों के सहमति पत्र पर बच्चों को स्कूलों भेजने को मंजूरी दी है। केंद्र ने इसका अंतिम फैसला राज्य सरकारों पर छोड़ा है। केंद्र की ओर से बीते दिनों एसओपी भी जारी की गई है। इसी कड़ी में शिक्षा विभाग ने भी एसओपी तैयार कर अंतिम मंजूरी के लिए फाइल शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर को भेज दी है। केंद्र से जारी गाइडलाइन में 30 सितंबर तक स्कूलों, कॉलेजों और कोचिंग संस्थानों को बंद रखने का फैसला लिया गया है। हालांकि, केंद्र सरकार ने राज्यों को अपने स्तर पर फैसले लेने के लिए कुछ छूट भी दी है। प्रदेश शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों ने बताया कि केंद्र सरकार ने कंटेनमेंट जोन से बाहर वाले स्कूलों में नवीं से जमा दो कक्षा को शुरू करने के लिए एसओपी जारी कर दी है। हिमाचल ने भी अपनी एसओपी तैयार कर ली है। केंद्र सरकार ने 21 सितंबर से 50 फीसदी शिक्षकों और गैर शिक्षकों को भी स्कूल बुलाने को कह दिया है। ऐसे में पहली से आठवीं कक्षा की ऑनलाइन पढ़ाई की मानीटरिंग 21 सितंबर से शिक्षक स्कूल आकर ही करेंगे। एसओपी में शिक्षकों और विद्यार्थियों के आने-जाने को लेकर सभी नियम तय किए जाएंगे।
हिमाचल के जिला मंंडी, कुल्लू और लाहौल - स्पिति के युवकों के लिए भारतीय थल सेना में भर्ती कोविड-19 के दुष्प्रभाव के कारण कुछ महीनों के लिए स्थगित कर दी गई। कर्नल एम राजाराजन ने कहा कि 6 से 14 अक्तूबर तक वर्ष 2020-21 की सेना की खुली भर्ती का आयोजन किया जाना था जो कोराना महामारी के चलते केंद्र व राज्य सरकार से अनुमति नहीं मिल पाने के कारण कुछ महीनों के लिए स्थगित कर दी गई है। उन्होंने कहा कि इस भर्ती का जब भी फिर से आयोजन किया जाएगा तो उसके लिए रजिस्ट्रेशन नहीं किया जाएगा। जिन अभ्यर्थीयों ने 20 सितंबर तक अपना रजिस्ट्रेशन किया होगा केवल उन्ही अभ्यर्थीयों कों भर्ती में भाग लेने का मौका दिया जाएगा। उन्होंने सभी अभ्यर्थीयों को भर्ती में भाग लेने के लिए जल्दी से जल्दी अपना रजिस्ट्रेशन सेना की वेबसाइट पर करने की अपील की है। भर्ती निर्देशक कर्नल एम राजाराजन ने यह भी कहा कि सभी अभ्यर्थी शाररिक अभ्यास करते रहें और अल्प अवधि में भर्ती की तारीख की घोषणा कर दी जाएगी।
विकास खंड कुनिहार के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत कोठी के गांव जुबला में ग्रामीणों द्वारा एक सामूहिक बैठक का आयोजन किया गया जिसमें मौजूद ग्रामीणों ने गांव की समस्याओं के बारे में चर्चा की। ग्रामीणों में नविन कुमार, राजेश, चेतराम, ल‘छीराम, हरिराम, रितादेवी, धनिदेवी, मीना देवी, पार्वती, निर्मला देवी, हेमचंद, पवन कुमार, चेतराम, राजेश कुमार, गोविन्द राम आदि ने कहा कि ग्राम पंचायत कोठी के अंतर्गत आने वाले गांव जुबला में अभी भी कई जगह पक्के रास्ते नहीं बन पाए हैं जिसके कारण ग्रामीणों को अपने मवेशियों को लाने-ले जाने के साथ-साथ पशुचारा लाने में भी काफी परेशानियां झेलनी पडती है। सबसे ’ज्यादा परेशानी बरसात के दौरान झेलनी पड़ती है। रास्ता कच्चा होने की वजह से कीचड़ व फिसलन हो जाती है। वहीं दूसरी और जुबला गांव में मत्स्य विभाग द्वारा करीब 25, 30 वर्ष पूर्व मछली पालन के लिए एक तालाब बनाकर करीब दो तीन वर्ष ही उपयोग में लाया। उसके बाद वर्षों तक इसकी कोई सुध नही ली। तालाब कच्चा होने की वजह से तालाब के पानी की सीलन साथ लगते मकानों तक आ रही है। सबसे बड़ी परेशानी साथ लगती 15, 16 बीघा उपजाऊ भूमि में तालाब के पानी के रिसाव से है जिसकी वजह से उस भूमि में खेती नहीं हो पा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि इस समस्या बारे में मत्स्य विभाग को भी पत्राचार के माध्यम से अवगत करवाया गया था लेकिन कोई कार्रवाई देखने को नहीं मिली। उन्होंने कहा कि विभाग शीघ्र उक्त तालाब को छोटा व पक्का करवाए यदि इस तालाब का उपयोग नहीं करना हो तो तालाब को बंद करवाकर यंहा छोटा पार्क, खेल मैदान बना दिया जाए ताकि उसका उपयोग किया जा सके। उन्होंने कहा कि उक्त सभी परेशानियों को लेकर बहुत शीघ्र जिलाधीश सोलन मत्स्य विभाग उप उपमंडलाधिकारी अर्की खंड विकास अधिकारी एवं सम्बन्धित पंचायत से पत्राचार किया जायेगा। वार्ड मेम्बर कमलेश देवी ने कहा कि जुबला के ग्रामीणों ने गांव की समस्या बारे चर्चा की जिसमे गांव में वर्षों पहले मत्स्य विभाग द्वारा गांव में तालाब बनाया गया था जिसके पानी कि सीलन घरों तक पंहुच रही है। 15-16 बीघा उपजाऊ भूमि में भी पानी का रिसाव हो रहा है जिसमे खेती नहीं हो पा रही है जिसको लेकर ग्रामीणों द्वारा एक मांगपत्र तैयार किया गया है। बहुत शीघ्र खंड विकास अधिकारी कुनिहार के समक्ष समस्या को रखा जाएगा ताकि ग्रामीणों कि समस्या का कोई स्थाई समाधान हो सके।
अम्बुजा सीमेंट कंपनी में कार्यरत समस्त ट्रक ऑपरेटर्स की बैठक सोमवार 14 सितंबर 2020 को शिव मंदिर के प्रांगण में आयोजित की जा रही है। इस बैठक के आयोजन की जानकारी देते हुए ट्रक ऑपरेटर नीलम भारद्वाज ने बताया कि पहले यह बैठक 14 सितंबर को एसडीटीओ कार्यालय में रखी गई थी, लेकिन किन्हीं अपरिहार्य कारणों की वजह से यह मीटिंग अब एसडीटीओ कार्यालय के बजाय शिव मंदिर दाड़लाघाट के प्रांगण में रखी गई है। नीलम भारद्वाज ने सभी ट्रक ऑपरेटर्स से आग्रह किया है कि 14 सितंबर 2020 सोमवार को प्रातः11:00 बजे शिव मंदिर दाड़लाघाट में पहुंचकर इस बैठक को सफल बनाने में सभी ऑपरेटर्स अपना सहयोग अवश्य दें। उन्होंने सभी ट्रक ऑपरेटर्स से आग्रह किया है कि सभी ऑपरेटर्स समय का विशेष ध्यान रखें और ज्यादा से ज्यादा संख्या में बैठक में भाग ले।
प्रदेश में स्वास्थ्य संस्थानों के माध्यम से लोगों को आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं। प्रदेश सरकार द्वारा हिम केयर तथा सहारा जैसी योजनाएं शुरू कर जरूरतमदों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाई हैं। सदर विधायक सुभाष ठाकुर ने हरलोग में आशा कार्यकर्ताओं को मोबाईल वितरण समारोह के दौरान सम्बोधित करते हुए यह बात कही। इस अवसर पर उन्होंने सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र हरलोग में 49 आशा कार्यकर्ताओं को एंड्राइड मोबाइल फोन वितरित किए। उन्होंने कहा कि मोबाईल फोन आशा कार्यकर्ताओं के लिए काफी लाभकारी सिद्ध होंगे। उन्होंने कहा कि स्मार्ट फोन के माध्यम से आशा कार्यकर्ता टीबी मुक्त हिमाचल ऐप, मुख्यमंत्री निरोग योजना, आरसीएच पोर्टल इत्यादि ऐप्लिकेशन का प्रयोग कर सकती है। इन एपों के माध्यम से समय पर लोगो को विभिन्न प्रकार की बीमारियों की जानकारी प्रदान कर जागरूक कर सकेंगी। उन्होंने कहा कि लोगों को घर द्वार पर बेेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करना सरकार का मुख्य ध्येय है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं को ग्रामीण क्षेत्रों में सफल बनाने में आशा कार्यकर्ता अपनी अहम भूमिका निभा रही है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 की रोकथाम के लिए भी आशा कार्यकर्ता अपने मोबाईल में आरोग्य सेतु ऐप को डाऊनलोड करेंगी तथा लोगों को भी इस ऐप को डाऊनलोड करने के लिए प्रेरित करेंगी। उन्होंने कहा कि कोरोना मुक्त हिमाचल ऐप के लिए इन मोबाईलो का प्रयोग किया जायेगा ताकि हिमाचल प्रदेश को कोरोना मुक्त किया जा सके।
विद्युत उपमंडल सुबाथू के अंतर्गत सुबाथू व आसपास के क्षेत्रों में 14 सितंबर को विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। सहायक अभियंता सुबाथू दिनेश कौंडल ने बताया कि बिजली लाइन के रखरखाव व मरम्मत के चलते सोमवार को रडियाना, थड़ी, नया नगर, कंडा, कठनी, हुडंग आदि क्षेत्रों में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने जनता से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि प्राकृतिक व अन्य व्यवधान के चलते समयावधि को घटाया या बढ़ाया जा सकता है।
कांग्रेस विधायक सुंदर सिंह ठाकुर ने सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कुल्लू में आज विधायक पुलिस अधीक्षक कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए। बता दें कि दो दिन पहले विधायक के होटल के बाहर भाजपा व् कांग्रेस के कार्येकर्ताओं के बीच नोकझोंक हो गई थी। इस मामले में कोई कार्रवाई न होने के चलते विधायक धरने पर बैठ गए है। उन्होंने कहा कि 48 घंटे के बाद भी पुलिस ने हुड़दंग मचाने वालों पर कोई कार्रवाई नहीं की है। भाजपा के कुछ लोगों के राजनीतिक दबाव के चलते उल्टा उनके बेटे के खिलाफ क्रॉस एफ आईआर दर्ज की गई। पुलिस मामले में दोषियों पर कार्रवाई नहीं कर रही है। विधानसभा से आने के बाद वह पुलिस अधीक्षक कुल्लू से मिले थे। लेकिन उचित कार्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद वे धरने पर बैठ गए हैं। सुंदर सिंह ठाकुर ने कहा कि जब तक दोषियों पर कार्रवाई नहीं की जाती, धरना जारी रहेगा। इससे पहले विधानसभा में भी विधायक ने अपनी सुरक्षा का मामला प्रमुखता से उठाया था। उन्होंने कहा कि इस तरह के दो-तीन प्रकरण पहले भी हो चुके हैं। इस बार भी वह शिमला विधानसभा में व्यस्त थे। इस बीच हुड़दंगियों ने होटल में आकर उनके बेटे को धमकाया।


















































