लाडली फाउंडेशन के राज्य महासचिव बिलाल शाह ने राज्य अध्यक्ष शालू की सहमति से ग्राम बड़गांव डाकघर नघियार तहसील झंडूता जिला बिलासपुर की निवासी दीपा सेन को लाडली फाउंडेशन का झंडूता ब्लॉक महासचिव नियुक्त किया। गोरतलब है कि दीपा सेन कई वर्षों से प्रमुख सामाजिक संस्था रेनबो स्टार क्लब एव लाड़ली फाउंडेशन के साथ मिलकर सामाजिक कुरीतियों को जड़ से उखाड़ने के लिए हमेशा कटिबद्ध रही हैं। महिला सशक्तिकरण, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान, पर्यावरण संरक्षण, वन संपदा संरक्षण, कुष्ठरोग की जागरूकता, कन्या भ्रूण हत्या की रोकथाम जैसे सामाजिक कार्यों में उन्होंने सक्रिय भूमिका निभाई है । लाडली फाउंडेशन की नवनियुक्त झंडूता ब्लॉक महासचिव दीपा सेन का कहना है कि भविष्य में उनका यही उद्देश्य है कि कहीं भी कोई सामाजिक विसंगती न हो।
लाॅकडाउन के दौरान प्रदेश से पड़ोसी राज्यों को भेजी 6.82 लाख क्विंटल हरे मटर व अन्य ऑफ सीजन सब्जियां किसानों की सुविधा के लिए सरकार ने किसान रथ एप्प किया लाॅन्च, प्रदेश भर में लगभग 35164 क्विंटल धान, मक्की, चहरी और बाजरा इत्यादी के बीज अनुदान दरों पर करवाया उपलब्ध राज्य सरकार द्वारा लाॅकडाउन के दौरान प्रदेश के किसानों को सुविधा उपलब्ध करवाने व आर्थिक नुकसान से बचाने को प्राथमिकता दी गई है जिसके अन्तर्गत किसान हित में अनेक कदम उठाए गए है ताकि कृषि कार्य निरंतर चलते रहें और किसानों को आर्थिक नुकसान से भी बचाया जा सके। प्रदेश में लाॅकडाउन लगाए जाने के बाद किसानों द्वारा प्रदेश में तैयार की गई 6.82 लाख क्विंटल हरे मटर, गोभी और अन्य विभिन्न प्रकार की ऑफ सीजन सब्जियां प्रदेश से बाहर पडोसीे राज्यों में भेजी गई हैं। इन सब्जियों को बाहरी राज्यों तक पहुंचाने के लिए प्रदेश सरकार के कृषि विभाग के अधिकारियों ने पड़ोसी राज्यों के साथ लगातार संपर्क बनाए रखा और किसानों कीे सब्जियों को पड़ोसी राज्यों में पहुंचाने और मार्केट उपलब्ध करवाने में हर संभव सहयोग किया। जिसके परिणाम स्वरूप कृषकों को उनके उत्पाद के अच्छे दाम मिल सके। सरकार द्वारा कोरोना महामारी के दृष्टिगत किसानों व व्यापारियों की सुविधा के लिए किसान रथ मोबाइल एप्प भी लाॅन्च किया गया। जिसके माध्यम से किसानों व व्यापारियों को लगभग 5 लाख ट्रकों व 20 हजार ट्रैक्टरों की जानकारी उपलब्ध करवाई गई ताकि इस एप्प का उपयोग कर प्रदेश के किसान व व्यापारी अपनी कृषि उपज व अन्य विभिन्न प्रकार के सब्जी उत्पादों को राज्य के अंदर व राज्य के बाहर की विभिन्न मंडियों तक आसानी से पहुंचा सकें।राज्य सरकार द्वारा किसानों को प्रदेश भर में लगभग 35164 क्विंटल धान, मक्की, चहरी और बाजरा सहित अन्य प्रकार के बीज विभिन्न कृषि योजनाओं के माध्यम से अनुदान दरों पर कृषि विक्रय केंद्रों के माध्यम से उपलब्ध करवाया जा चुका है और बीज की मांग के अनुसार बीज की सप्लाई विभिन्न जिलों में कृषि विभाग के माध्यम से निरंतर जारी है ताकि बीज के लिए किसानों को किसी प्रकार की कोई परेशानी न उठानी पड़े। इसके अलावा राज्य सरकार द्वारा किसानों को विभिन्न सब्जियों के बीज भी उपलब्ध करवाए जा रहे हैं जिसके अन्तर्गत लगभग 11315 क्विंटल सब्जियों का बीज विभिन्न जिलों को उपलब्ध करवाया गया है। किसानों को पौध सुरक्षा सामग्री और कृषि औजार भी प्रदेश सरकार द्वारा अनुदान दरों पर उचित मात्रा में उपलब्ध करवाए जा रहे हैं ताकि किसानों को कृषि कार्य करने में असुविधा न हो। कृषि विभाग द्वारा कृषकों की सुविधा व सहायता हेतु कृषि समर्पित रूम भी स्थापित किया है। प्रदेश के किसानों द्वारा तैयार किए जाने वाले कृषि उत्पादों के क्रय-विक्रय के लिए राज्य सरकार द्वारा प्रदेश भर में बनाए गए 60 मार्केट यार्ड और 41 कलेक्शन सेंटर संकट के इस समय में लगातार क्रियाशील रहे और किसानों को उनके विभिन्न कृषि उत्पादों के क्रय-विक्रय की सुविधा उपलब्ध करवाई गई जिससे किसान अपने कृषि उत्पादों को आसानी से बेच सके। राज्य में कृषि मार्केट यार्डो व कृषि उत्पाद कलेक्शन सेंटरों के लगातार क्रियाशील रहने से प्रदेश में फल व सब्जियों की कोई कमी नहीं रही और किसानों को इस वैश्विक संकट के दौरान होने वाले आर्थिक नुकसान से बचानेे में भी मदद मिली है। कृषि विभाग के निदेशक डाॅ. आर.के. कौंडल ने बताया कि प्रदेश के मध्य व निचले क्षेत्रों में गेंहू कटाई का कार्य लगभग पूरा हो गया है, और विभाग द्वारा किसानों से गेंहू बीज प्रक्योरमेंट का कार्य भी किया जा रहा है जिसके अन्तर्गत अब तक 14030 क्विंटल गेंहू बीज का भंडारण भी एफसीआई के माध्यम से किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि किसानों की सुविधा के लिए राज्य सरकार के निर्देशानुसार समय-समय पर विभिन्न कदम उठाए गए हैं ताकि किसानों को आर्थिक नुकसान से बचाया जा सके और कृषि संबंधी कार्य निरंतर चलते रहे।
कांग्रेस पार्टी ने हिमाचल प्रदेश में हुए स्वास्थ्य घोटाले को लेकर अपनी मुहिम तेज कर दी है और इस सारे मामले की जांच को किसी स्वतंत्र एजेंसी से करवाने का मुद्दा उठाया है। बिलासपुर में पूर्व सांसद एवं प्रदेश कांग्रेस कमेटी के विशेष आमंत्रित सदस्य सुरेश चंदेल ने कहा कि महामारी के इस दौर में जिस तरह से स्वास्थ्य घोटाला हिमाचल प्रदेश में हुआ है उससे आम जनता का विश्वास सरकार पर से उठ गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सरकार नाम की कोई चीज ही नहीं है । स्वास्थ्य घोटाले में अब तक जो भी जांच हुई है उसमें केवल लीपापोती की गई है और उसमें बड़े लोगों को बचाया जा रहा है । उन्होंने मुख्यमंत्री को भी कटघरे में खड़ा करते हुए कहा कि स्वास्थ्य विभाग उनके पास है तो उनकी भी जवाबदेही इस मामले में बनती है ।उन्होंने बताया कि 4 से 5 गुना अधिक दामों में खरीदे गए सैनिटाइजर जिस तरह से खरीदे गए वह आम जनता द्वारा इस महामारी से निपटने के लिए दिए गए एक एक रुपए के फंड का दुरुपयोग है। उन्होंने बताया कि अगर मुख्यमंत्री स्वयं को निष्पक्ष और जवाब देह कहलाते हैं तो उन्हें इस मामले में आगे आकर बयान देना चाहिए ताकि आम जनता को इस सारे घोटाले की असलियत पता चल सके। उन्होंने बताया कि काग्रेस पार्टी इस मामले में चुप नहीं बैठेगी तथा जैसे ही लॉकडाउन खुलता है आम जनता के बीच जाकर इस घोटाले की परतें उधेड़ेगी। इससे पहले जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष अंजना धीमान ने बताया बताया कि प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौड़ के निर्देशानुसार हर जिला मुख्यालय पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं द्वारा स्वास्थ्य घोटाले के बारे में पत्रकार वार्ताएं की जा रही है और यह वार्ता भी उसी कड़ी में हो रही है। जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व प्रवक्ता संदीप सांख्यान भी पत्रकार वार्ता में उपस्थित थे।
शिमला के आईजीएमसी अस्पताल में कोरोना पॉजिटिव की मौत होने से हडकंप मच गया है। बता दें कि देर रात के समय आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति के लिए एक ट्रक किसी ठेकेदार का समान लेकर दिल्ली से शिमला आया था। जानकारी के अनुसार इस ट्रक में पुलिस विभाग की गुमटियां लोड थी। वहीं एडवांस स्टडी के समीप अनलोडिंग के दौरान गुमटी इस ट्रक चालक के ऊपर गिर गई, जिससे चालक को गंभीर चोटें आने के बाद इसे तुरंत आईजीएमसी अस्पताल में उपचार के लिए ले जाया गया। वहां पर उसके टेस्ट लिए गए, इसके साथ ही कोरोना का सैंपल भी लिया गया। वहीं इलाज के दौरान चालक की मौत हो गई। वहीं सैंपल की रिपोर्ट आने के बाद यह चालक कोरोना पॉजिटिव पाया गया है । इस चालक की मौत के बाद आईजीएमसी अस्पताल में हडकंप मच गया है। अस्पताल के जिस स्टाफ ने उसे अटेंड किया था उन्हें क्वांरटीन कर लिया गया हैं। वहीं जो लोग इसे लेकर अस्पताल पहुंचे थे उन्हें भी क्वांरटीन होने के लिए कहा गया हैं ।
प्रदेश की राजधानी शिमला में एक ही परिवार के 4 सदस्य कोरोना पॉजिटिव पाए गए है। वहीं दो दिन पहले संजौली हाउसिंग बोर्ड कोलोनी का एक व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव पाया गया था। वह होमक्वारेंटाइन चल रहा था। इस घर को जिला प्रशासन ने पहले ही सील कर दिया था। वहीं स्वास्थ्य विभाग ने इस परिवार के अन्य लोगों के टेस्ट लिए थे जिसमें व्यक्ति के परिवार में पत्नी, दो बच्चे व सास भी कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। जिसमें इस व्यक्ति की पत्नी की उम्र 58 साल , बच्चों की 30 व 24 साल उम्र हैं। जबकि सास की उम्र लगभग 82 साल हैं। इनकी ट्रैवल हिस्ट्री ये दिल्ली हैं। अब इन 4 लोगों को दीन दयाल अस्पताल शिफ्ट किया हैं। बता दें कि दीन दयाल अस्पताल को कोविड हॉस्पिटल बनाया गया हैं। शिमला में भी अब कोरोना का आंकड़ा लगातार बढ़ते जा रहा हैं। यहां पर कुल 19 मामले आ चुके है। वहीं 8 एक्टिव केस हैं। वहीं 9 संक्रमित ठीक होकर अपने घर चले गए हैं।
संगठन के शीर्ष नेतृत्व भाजपा मंडल और भाजयुमो जिलाध्यक्ष से विस्तार चर्चा के उपरांत युवा मोर्चा सोलन मंडल अध्यक्ष रोहित भारद्वाज ने युवा मोर्चा सोलन की मंडल पदाधिकारियों व मंडल कार्यकारिणी की घोषणा कर दी है। उपाध्यक्ष पद पर विशाल वैश, सोलन, वार्ड नं 5 रोहित शर्मा, शामती अभिलाष ठाकुर (बिट्टू) बसाल राहुल शर्मा, नंगली मंगलेश राजपूत, घलुथ अमित भारद्वाज (मितु) महामंत्री अरुण ठाकुर, पपरोल वैभव बनाल, शमलेच सचिव दलीप सिंह (कंदर), सलोगड़ा राजेंद्र सिंह (बिकु), टिककर जसबीर सिंह (जस्सू), जौनजी पंकज ठाकुर, चायल राजेश, साधुपुल कोषाध्यक्ष : कपिल ठाकुर (कप्पू), बोच प्रवक्ता : श्रीकांत, बैरटी सह प्रवक्ता : अशोक राजन, देऊंघाट मीडिया प्रभारी : सचिन थापा, सलोगड़ा सह मीडिया प्रभारी : भूपेंद्र ठाकुर, डांगरी सोशल मीडिया: अभिषेक गुप्ता, वार्ड नं 3 कार्यालय सचिव : रजत टांक, सरदार मोहल्ला आई टी सले हेड : विमल शर्मा, कंडाघाट कार्यकारिणी मेंबर 1. चंद्रकांत शर्मा (बटू) कथोग 2. मनोज कुमार (कुनारक होटल) 3. रिंकेश गुप्ता (चायल) 4. अचल शर्मा (कथोग) 5. सुभम शर्मा (शिल्ली रोड़) 6. पंकज ठाकुर (चायल) 7. मनमोहन सिंह ( गुरुद्वारा कलोनी चम्बाघाट) 8. अंकुश मेहता (सेरी) 9. सुमित (वार्ड नं० 4) 10. भुपेन्द्र ठाकुर (मनलोग) 11. अमन थापा (सलोगड़ा) 12. नीरज सहगल (कण्डाघाट ) 13. विनय राणा (बाईपास) 14. हैप्पी (सलोगड़ा) 15. अर्पित गुप्ता (सोलन वार्ड नं०5) 16. रजत सिंह (वार्ड नं० 4 ) 17. आयुष चौधरी (धज्जा) 18. चमन कुमार (ममलीग) 19. प्रदीप ठाकुर ( ढोल का जुब्बड़) 20. मनीष गाौतम (कुनारक होटल) 21. कार्तिक शर्मा (दियूंघाट) 22. निशांत (दामकरी) 23. नमन मेहता (सेरी) 24. मनोज राणा (कथेड़) 25. विकास शर्मा (हरी मंदिर) 26. हिमांशु ठाकुर (कायलर) 27, संजय राजन शर्मा (नलयाल) 28. अनुज शर्मा (कमाला) 29. कृष्ण भारद्वाज (कमाला) युवा मोर्चा में महामंत्री चुने जाने पर अरुण ठाकुर व सोलन मंडल में उपाध्यक्ष का चुने जाने पर अमित भारद्वाज ने, सोलन वरिष्ठ मंडल के सभी पदाधिकारी, कार्यकर्ता, युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष, मंडल अध्यक्ष व अन्य का तहे दिल से आभार व्यक्त किया है।
शनिवार को डीसीसी शिवा आयुर्वेदिक अस्पताल चांदपुर शनिवार को डीसीसी शिवा आयुर्वेदिक अस्पताल चांदपुर जिला बिलासपुर से चार कोविड-19 पॉजिटिव को नेगेटिव होने के बाद वहां से छुट्टी दे दी गई। खुद को स्वस्थ्य महसूस कर रहे यह मरीज खुशी-खुशी घर लौटे। इस अवसर पर जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ जमीर खान चंदेल एवं जिला आयुर्वेदिक नोडल अधिकारी डॉ. विकास कुमार विशेष रुप से उपस्थित रहे। गौर हो कि डीसीसी केंद्र में अब तक बीस कोरोना पाॅजीटिव मरीज आए हैं जिसमें से 11 मरीज पूर्ण रूप से स्वस्थ होकर घर जा चुके हैं जबकि दो को मंडी स्थित नेरचैक रैफर किया गया था, वर्तमान में सात मरीज स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं। यह जानकारी देते हुए जिला आयुर्वेद अधिकारी जमीर खान चंदेल ने बताया कि नेगेटिव होने के बाद इन लोगों को छुट्टी के दौरान उनको आयुर्वेदिक विभाग से काढ़ा भी उपलब्ध करवाया गया। उपाचाराधीन समय में भी इनको यह काढ़ा हॉस्पिटल में भी लगातार उपलब्ध करवाया जा रहा है। डा. चंदेल ने बताया कि डीसीसी चांदपुर में स्वास्थ्य विभाग और आयुर्वेद विभाग दोनों की टीमें वहां पर अपनी ड्यूटी दे रही हैं। आयुर्वेद विभाग की तरफ से योग भी करवाया जा रहा हैं। छुट्टी के समय भी इन्हें काढ़ा उपलब्ध करवाया गया हैं, जिसे वे घर में प्रयोग करेंगे ताकि इन की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाया जा सके। इससे अन्य रोगों में रोगों से लड़ने की क्षमता भी बढ़ती है। जिला बिलासपुर से 4 कोविड-19 पॉजिटिव को नेगेटिव होने के बाद वहां से छुट्टी दे दी गई। खुद को स्वस्थ्य महसूस कर रहे यह मरीज खुशी-खुशी घर लौटे। इस अवसर पर जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ जमीर खान चंदेल एवं जिला आयुर्वेदिक नोडल अधिकारी डॉ. विकास कुमार विशेष रुप से उपस्थित रहे। गौर हो कि डीसीसी केंद्र में अब तक बीस कोरोना पाॅजीटिव मरीज आए हैं जिसमें से 11 मरीज पूर्ण रूप से स्वस्थ होकर घर जा चुके हैं जबकि दो को मंडी स्थित नेरचौक रैफर किया गया था, वर्तमान में 7 मरीज स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं। यह जानकारी देते हुए जिला आयुर्वेद अधिकारी जमीर खान चंदेल ने बताया कि नेगेटिव होने के बाद इन लोगों को छुट्टी के दौरान उनको आयुर्वेदिक विभाग से काढ़ा भी उपलब्ध करवाया गया। उपाचाराधीन समय में भी इनको यह काढ़ा हॉस्पिटल में भी लगातार उपलब्ध करवाया जा रहा है। डा. चंदेल ने बताया कि डीसीसी चांदपुर में स्वास्थ्य विभाग और आयुर्वेद विभाग दोनों की टीमें वहां पर अपनी ड्यूटी दे रही हैं। आयुर्वेद विभाग की तरफ से योग भी करवाया जा रहा हैं। छुट्टी के समय भी इन्हें काढ़ा उपलब्ध करवाया गया हैं, जिसे वे घर में प्रयोग करेंगे ताकि इन की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाया जा सके। इससे अन्य रोगों में रोगों से लड़ने की क्षमता भी बढ़ती है।
Chief Minister Jai Ram Thakur while addressing the virtual rally of Dharampur BJP Mandal through video conferencing from Shimla said that the state government has launched various schemes to revive the economy of the state which has been badly affected due to Covid-19 pandemic. The Chief Minister said that 5.90 lakh eligible women of the State have been benefitted under Jan Dhan Yojna while under the Kisan Samman Nidhi Yojana Rs 2000 each was transferred in the accounts of farmers. He said that Himachal Pradesh has become the first state in the country to launch ‘one nation one ration card’ to provide ration at subsidized rates from fair price shops anywhere in the country. Rs. 20 lakh crore economic package announced by the union government would help the country to revive the economy and provide much need relief to the people of the country. The Chief Minister said that each and every party worker has done a commendable job in fighting COVID in the state. The people not only generously donated towards the HP COVID fund and PM CAREs, but also provided food, ration, and face masks to the needy and the poor. He said that BJP party workers also played a major role in sensitizing the people regarding the importance of social distancing to check the spread of this virus. He said that the workers of the Dharampur area have also done wonderful work in this direction. Jai Ram Thakur said that the state government has effectively fought the COVID pandemic and even Prime Minister Narendra Modi has appreciated the active case finding campaign launched by the state government. He said that the Prime Minister has asked the other states to follow the footsteps of Himachal Pradesh in fighting the pandemic, which was an honor to the State. The Chief Minister said that the death rate of India due to COVID was much less than most of the developed countries of the world. He said that credit for this goes to timely and appropriate decisions taken by the Prime Minister. He said that people of the country seriously followed the guidelines and advisories issued by the Prime Minister. He said that although the state has witnessed a sharp spike in the number of COVID cases, the people need not worry as the people found positive were under institutional quarantine or home quarantine. He said that at the same time the people need to take precautions so that we could come out from the crisis. Union Minister of State for Finance and Corporate Affairs Anurag Thakur said that under the able leadership of Prime Minister, the union government has taken various historic decisions such as abrogation of 370, Triple Talaq, paving way for construction of Lord Ram temple, bringing in Citizen Amendment Act, etc. He said that crores of rupees have been transferred to the accounts of the poor and the needs of the country. Jal Shakti Minister Mahender Singh Thakur while addressing the virtual rally said that the State of Himachal Pradesh under the leadership of Chief Minister Jai Ram Thakur has ensured equitable and balanced development of the State. The government was adopting a policy of zero-tolerance against corruption. He said that Chief Minister Jai Ram Thakur has been adjudged as the best Chief Minister of the country. Mandal BJP President Puran Chand Sharma, media in-charge Rajat Thakur also shared their views on the occasion.
The state government is committed to the balanced and equitable development of the state with special preference to those areas which have neglected so far, due to one reason or another. Chief Minister Jai Ram Thakur stated this while addressing the virtual rally of Indora BJP Mandal of Kangra district through video conferencing from Shimla. The Chief Minister said that the people of Indora has indeed done commendable work in providing people of the area adequate masks, food packets for needy, and even dry ration to the migrant laborers stranded in the area during the curfew imposed in the State in wake of Corona epidemic. He said that the people also generously contributed towards to PM CAREs and CM COVID FUND. He said that the State Government has also ensured that no one in the State sleeps without food and also provided masks and sanitizers to the needy. Jai Ram Thakur said that the State has witnessed a steep hike in the number of COVID cases due to the arrival of people stranded in different parts of the country. He said that thousands of students were strained at Kota, Mumbai, Goa, Pune, Bengaluru, etc. He said that at one stage the State was about to become Corona free, but at the same time, it was the duty of the government to bring back the people who were in distress. Chief Minister said that the state government would ensure that paucity of funds not come in the path of development of the area. He said that the government has decided to ply buses on various routes to facilitate the commuters. Life has gradually started returning back to normal and we have to ensure that the pace of development going uninterrupted. He said that the opposition was making baseless and false allegations against the State Government. The party workers should give a befitting reply to their nefarious designs, he added. Jai Ram Thakur said that the last five-year tenure of the Congress Government was wasted in saving their leader from various allegations of corruption. He said that these leaders have no moral right to speak about morality and honesty. Chief Minister said that the State Government has launched several schemes to benefit the people of the State. He said that Mukhya Mantri Aajivika Yojna has been launched to provide 120 days guaranteed employment to the urban people. Mukhiya Mantri Ek Bigha Yojna has been launched to ensure women's empowerment and strengthen their economy. While detailing developmental works being initiated in the Indora area, the Chief Minister said that a Rs 34.82 crore multi village water supply scheme was being executed in the area to solve the drinking water problem. This scheme would benefit about 80villages of the area. He said that a mini secretariat was also being constructed at Indora and police post-Damtal has been upgraded to Police Station. MLA Reeta Dhiman thanked the Chief Minister for giving special consideration for the developmental aspirations of the people of Indora. State General Secretary BJP Trilok Kapoor, Mandal BJP President Balwan Singh, President Organizational District Nurpur Ramesh Rana also shared their views on the occasion.
Chief Minister Jai Ram Thakur said that an amount of Rs 102 crore was being spent on construction of roads and bridges in the Chopal area of Shimla district. Besides, a provision of Rs 80 crore has been made under PMGSY for metalling and tarring of various roads in the area. He was addressing the virtual rally of Chopal BJP Mandal from Shimla. The Chief Minister said that an amount of Rs. 9 crores was being spent on construction of community health centres at Nerwa and Kupvi. The state government was committed for the balanced and equitable development of the state with special preference to those areas which have neglected so far, due to one reason or another. Jai Ram Thakur said that the state government has brought back over 1.95 lakh Himachalis stranded in different parts of the country, provided them food and shelter and mask and effective functioning of quarantine centres and has spent about Rs 13 crore on this. On the other hand, the state Congress party has claimed before their Central leadership that they have spent Rs 12 crore on providing masks and food to the needy. The Congress leaders must clarify where they spent the amount, he added. Jai Ram Thakur said that the State has suffered great loss due to the Corona epidemic. He said that the tourism industry was the biggest causality of this virus. He said that steps would be taken to revive this sector. He said that the State Government has constituted a cabinet sub-committee and a task force to suggest steps to revive the economy of the State. Chief Minister said that the State Government has made an adequate arrangement of marketing of fruits in this Corona epidemic so that farmers do not face any inconvenience. He said that the apple growers would definitely get better prices as exported apple would not be available this year. He said that he had taken up the issue of Nepali labourers with the Union External Affairs Minister. The matter of providing an alternative market for the marketing of apple at Azadpur area in New Delhi was affected due to Corona has also been taken up with the Prime Minister. Chief Whip Narender Bragta thanked the Chief Minister for evincing deep interest in protecting the interests of the apple growers in the present scenario of COVID-19 pandemic. He said that the Chief Minister has taken up the issue of allowing Nepali labourers to enter the State with the Uttarakhand and Uttar Pradesh government. MLA Balbir Verma thanked the Chief Minister for giving special consideration to the developmental aspirations of the people of Chopal.
हौसले बुलंद हों, लक्ष्य स्पष्ट हो और उस लक्ष्य तक पहुंचने की यदि जिद्द हो तो मंजिल स्वयं कदमो में आ जाती है। ऐसा ही हुआ बिलासपुर जिला के राजकीय उच्च पाठशाला पंतेहड़ा की अनिशा के साथ। वह हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड द्वारा आयोजित दसवीं की परीक्षा में प्रदेश भर में तीसरे स्थान पर रही। अनिशा के पिता ललित शर्मा व माता पवना कुमारी अभी भी सरकारी अध्यापक बनने को संघर्षरत है और बेटी कितने ही अभावों में राजकीय उच्च पाठशाला पनतेहड़ा में अपने कोमल परों को फड़फड़ाकर अपने सपनों को उड़ान दे रही है। लगातार चार वर्षो तक जिला स्तर में साइंस कांग्रेस में स्कूल का प्रतिनित्व करने वाली अनिशा आई ए एस बन देश की सेवा करने का सपना देखती है। असाधारण प्रतिभा सम्पन्न अनिशा स्कूल समय के अतिरिक्त 10 दस घण्टे अध्ययन करती है, यही वजह है कि वह राष्ट्रीय स्तर की मीन्स कम मेरिट छात्रवृति जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा में भी प्रदेश भर में दूसरा स्थान हासिल कर चुकी है। मात्र दो अंकों से मेरिट में प्रथम स्थान से चूक गई अनिशा अपनी सफलता का श्रेय अपने माता पिता व अध्यापकों को देती है जो इस संघर्ष में उसके मार्गदर्शक रहे है।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य व पूर्व मंत्री व विधायक श्री नयना देवी विधानसभा क्षेत्र ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश सरकार कोरोना का बहाना बना कर विकासात्मक कार्यो को रोक रही है। राम लाल ठाकुर ने कहा प्रदेश सरकार का बजट 31 मार्च को पास हो गया है और लेकिन अभी तक पहली तिमाही का एक भी पैसा विकासात्मक कार्यो के लिए नही आ पाया है। उन्होंने कहा कि विधायक निधि के पैसे पर तो सरकार ने रोक लगा दी है लेकिन विधायक प्राथमिकता की योजनाएं भी लंबित डाल दी है। ऊपर से जो प्रदेश सरकार का जो बजट पास हुआ है उसका कोई आता पता ही नहीं चल पा रहा है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार और भाजपा के नेताओं के भी मतभेद अब तो सामने उभर कर आ गए है। विकासात्मक कार्यो पर प्रदेश सरकार की उदासीनता का सीधा से बहाना कोरोना हो गया है। प्रदेश सरकार में सिर्फ कुछ लोग ही फैसले ले पा रहे है जबकि पूरी के पूरी कैबिनेट निठल्ली बैठी है, इसका परिणाम प्रदेश सरकार के कुछ मंत्री व विधायक भी अब दबे स्वर में प्रतिरोधी बातें करने लगे है। प्रदेश सरकार के विधायक व भाजपा नेताओं में जो द्वंद्व की जुगलबंदी बन रही है वह अब सीधे तौर पर भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के दरवाजे जा खड़ी है। राम लाल ठाकुर ने तंज कसते हुए प्रदेश सरकार को कहा कि अगर प्रदेश सरकार को विकासात्मक कार्यो को लेकर कुछ भी समझ नहीं आ रहा तो कम से कम नीति आयोग से ही कुछ वित्त व्यवस्था का इंतजाम करा लेना चाहिए। अब तो देश की विदेशी मुद्रा भण्डार भी 500 बिलियन डॉलर से ज्यादा हो गया है। प्रदेश सरकार को चाहिए कि जल्द से जल्द प्रदेश में वित्त की व्यवस्था की जाए ताकि विकासात्मक कार्यो को शुरू की जा सके। इसके साथ राम लाल ठाकुर ने कहा कि जो योजनाएं सार्वजनिक तौर पर चल रही थी उनको भी पटरी पर लाने काम जल्द से जल्द करवाना चाहिए। राम लाल ठाकुर ने यह भी कहा कि प्रदेश सरकार विकासात्मक योजनाओं से ज्यादा तो प्रदेश में चारों संसदीय क्षेत्रों में अपनी वर्चुअल रैलियों करवाने को लेकर ज्यादा संजीदा दिखाई दे रही है।
पूर्व विधायक बंबर ठाकुर ने मुख्यमंत्री के उस ब्यान, जिसमें उन्होने संकट की घड़ी में विपक्ष पर राजनीति करने का आरोप लगाया है, को बचकाना और बेसमझी वाला वक्तव्य करार देते हुए कहा है कि वास्तव में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर कोरोना के बहाने विपक्ष पर निशाना साध कर कथित अपनी सरकार की असफलताओं व भ्रष्टाचार को छिपाने की होशियारी दिखाने का असफल प्रयास कर रहे हैं, क्यूँकि उन्हें पता है कि देश व प्रदेश की पढ़ी –लिखी अथवा समझदार जनता भली -भांति जानती है कि भाजपा ने कोरोना कर्फ़्यू के दौरान न केवल कथित जनता के धन का डट कर दुरुपयोग और भ्रष्टाचार के रिकार्ड ही स्थापित किए बल्कि लोगों पर पुलिस अत्याचार करवाने और पीट- पीट कर उनका चमड़ा लाल कर देने जैसे जघन्य अपराध किए हैं, जिस कारण जनता में इस सरकार की छवि पूरी तरह से धूमिल हो चुकी है। बंबर ठाकुर ने कहा कि प्रदेश को पहले ही 55 हज़ार करोड़ रुपए से अधिक के भारी भरकम कर्ज के बोझ तले डुबो दिया गया है, महंगाई चरम सीमा पर है जबकि बेरोजगारी के सभी रिकार्ड तोड़ दिये गए हैं। कर्मचारी अपने विभिन्न आर्थिक लाभों के लिए सरकार से बार- बार गुहार लगा रहे हैं, जबकि पेंशनरों के कितने ही आर्थिक लाभ उन्हें नहीं दिये जा रहे हैं और जब वे अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाते हैं तो उन्हें अब कोरोना के बहाने टरकाने का काम किया जा रहा है। बंबर ठाकुर ने कहा कि कोरोना के बहाने लोगों को ब्लैक मेल नहीं किया जा सकता है और यह सरकार का प्राथमिक उत्तरदाईत्व है कि वह आम जनता सहित अपने कर्मचारियों को समय- समय पर सभी आवश्यक सुविधाएं व आर्थिक लाभ देकर राहत पहुंचाए। उन्होने कहा कि देश भर में विभिन्न सामाजिक व धार्मिक संस्थाओं ने प्रवासी मजदूरों, श्रमिकों, निर्धनों और जरूरतमंदों को राशन, मास्क, सेनेटाईजर और सभी आवश्यक जीवनोपयोगी वस्तुएं भेंट करके उनके जीवन को सुरक्षित रखने का प्रयास किया है, जबकि देश भर की जनता ने सरकार को पूरा-पूरा सहयोग करते हुए अरबों रुपए का भारी अनुदान दिया है। बंबर ठाकुर ने कहा कि भाजपा स्वयं इस संकट की घड़ी में वर्चुअल रैलियाँ आयोजित करने जा रही है जबकि बिहार में 72 हज़ार एल ई डी के माध्यम से भाजपा के नेताओं द्वारा अरबों रुपये व्यय करके चुनावी रैली का आयोजन किया गया, जिस से हर कोई आसानी से अंदाजा लगा सकता है कि वास्तव में इस संकट की घड़ी में राजनीति कौन कर रहा है।
हिमाचल प्रदेश का सुप्रसिद्ध लोकगीत "बाड़िया रे मेले खे आया मेरी जान", इस बार यह नहीं गाया जा सकेगा। असल में इस बार बाड़ा देव पांच पांडव मंदिर समिति सरयांज बाड़ीधार ने निर्णय लिया है कि इस बार लॉकडाउन के चलते देव मिलन कार्यक्रम नही होगा। बाड़ादेव पांच पांडव मंदिर समिति सरयांज बाड़ीधार के अध्यक्ष जीत वर्मा ने इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि इस बार मेले के आयोजन के लिए एसडीएम अर्की से अनुमति मांगी थी परन्तु एसडीएम अर्की ने लॉकडाउन में प्रदेश सरकार द्वारा जारी निर्देशों के तहत मंदिर न खोलने के जारी दिशा निर्देशों का हवाला देते हुए इस अनुमति को निरस्त कर दिया है। जिसके बाद बाड़ादेव पांच पांडव मंदिर समिति सरयांज बाड़ीधार ने यह निर्णय लिया कि इस बार लॉकडाउन के चलते वह मेले का आयोजन नही करेंगे। गौरतलब है सोलन जिला की अर्की तहसील में आषाढ़ मास की सक्रांति को आयोजित होने वाले इस दो दिवसीय मेले में लोगो की भारी आस्था है और दूर दूर से लोग यहाँ पर देव मिलन देखने के लियी आते है। पौराणिक कथा के अनुसार पाण्डव अज्ञात वास में शिवजी को ढूंढते हुए हिमाचल आए क्योंकि हिमालय शिव का स्थान है। पौराणिक ग्रन्थों में एसा वर्णन है और यहां की पर्वत मालाएं शिवालिक अर्थात शिव की जटाएं कही जाती हैं। जैसे ही पांडवो को पता चला कि बाड़ीधार पर्वत पर शिवजी की धुनी है वैसे ही शिवजी के दर्शन की इच्छा लेकर पाण्डव यहाँ आए। यहाँ पहुंचा कर पांडवो को शिवजी की धुनी तो मिली पर शिवजी नहीं मिले। पांडव यहाँ पर लगातार दो दिन तथा तीन रात जागते रहे पर शिवजी नहीं मिले। जिसके बाद देवज्ञा से उन्हें वहीं प्रतिष्ठित हो जाने का आदेश हुआ और आकाशवाणी हुई की आज से ये पाण्डवों में सबसे ज्येष्ठ युधिष्ठर के नाम से जाना जाएगा और यह स्थान बाड़ी की धार के नाम से विख्यात होगा। बाकी पाण्डवों को अन्य स्थान मिले और वो उन स्थानों पर जाकर बस गए जहाँ पर आज भी उन्हें पूजा जाता है। हर वर्ष इस स्थान पर आषाढ़ मास की सक्रांति को सभी पांडव व बूढी देवी इस स्थान पर अपने ज्येष्ठ भ्राता (युधिष्ठर) बाड़ादेव से मिलने के लिए आते है जिसे देव मिलन कहा जाता है। इस देव मिलन को देखने के लिए प्रदेशभर से हजारो की तादात में श्रद्धालु यहाँ पहुँचते थे परन्तु इस बार इस स्थान पर न तो मेले का आयोजन होगा और न ही देवमिलन होगा। बाड़ादेव को लोग ग्राम देवता के रूप में पूजते है और जब यहाँ पर मेले का आयोजन होता है उस समय अपनी फसल का कुछ अंश देवता को अर्पित करते है। इस वर्ष इस स्थान पर मेला नही होगा वहीँ मंदिर समिति ने लोगो से आग्रह किया है कि यदि वह अपनी मन्नत या चढ़ावा चढ़ाना चाहते है तो वह मंदिर समिति के बैंक खाते में ऑनलाइन जमा कर सकते है। उन्होंने बताया कि समिति का बैंक अकाउंट यूको बैंक की सरयांज शाखा में है।
"जनसंवाद" कार्यक्रम के तहत 16 जून 2020 को शाम 4 बजे "Webax" ऐप के माध्यम से "वर्चुअल रैली" का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम की जानकारी देते हुए भाजपा अर्की मण्डल अध्यक्ष डी के उपाध्याय ने बताया कि इस वर्चुअल रैली में हिमाचल प्रदेश के यशस्वी लोकप्रिय मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का मुख्य रूप से अर्की के भाजपा कार्यकर्ताओँ को आशीर्वाद प्राप्त होगा तथा डाँ राजीव सहजल जिला पालक तथा सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री, सुरेश कशयप सांसद शिमला संसदीय क्षेत्र, प्रभारी पुरषोत्तम गुलेरिया, सोलन जिला की प्रभारी पायल वैद्य, प्रदेश उपाध्यक्ष रतन सिंह पाल, जिला अध्यक्ष आशुतोष वैद्य और विस्तारक प्रिया व्रत भी इस वर्चुअल रेली में भाग लेंगे। मण्डल अध्यक्ष ने सभी अर्की क्षेत्र से संबंधित मंडल में मोर्चों एवं प्रकोष्ठ के पदाधिकारी सदस्य अन्य सभी केंद्र व भाजपा सरकार के समर्थक व आम कार्यकर्ता से अपील की है कि अपने Android फोन से Google Play Store से " Webex " ऐप डाउनलोड करें। इस लिंक के माध्यम से ऐप डाउनलोड करें https://play.google.com/store/apps/details?id=com.cisco.webex.meetings और बूथ स्तर के त्रिदेव एवं सभी पन्ना प्रमुख व आम कार्यकर्ताओं को भी इस ऐप को डाउनलोड करने में सहयोग करें ताकि हम इस रैली को सफलतापूर्वक संपन्न कर सके।
कोविड-19 के कारण उत्पन्न प्रतिकूल परिस्थिति लंबे समय तक बनी रहती है तो राज्य सरकार आधारशिला रखने और विभिन्न विकासात्मक परियोजनाओं के उद्घाटन ऑनलाइन करने पर विचार कर सकती है, ताकि विकास की गति निर्बाध चलती रहे। यह बात मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शिमला से वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हरोली भाजपा मंडल की वर्चुअल रैली को संबोधित करते हुए कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरोली भाजपा मंडल में सभी विकासात्मक परियोजनाओं को शीघ्रता से और निर्धारित समयावधि में पूरा किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के कारण विकासात्मक कार्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है और हमें अपनी विकासात्मक रणनीतियों पर पुनर्विचार करना पड़ रहा है। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सक्षम और मजबूत नेतृत्व में ही भारत कोविड महामारी से प्रभावी ढंग से निपट रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के समयबद्ध और उचित निर्णय से यह सुनिश्चित हो पाया है कि कोविड-19 का प्रभाव अन्य विकसित देशों की तुलना में भारत में बहुत कम है। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के विभिन्न हिस्सों में फंसे लाखों लोगों को वापिस लाना राज्य सरकार का नैतिक कर्तव्य था। उन्होंने कहा कि राज्य के हजारों लोगों को विशेष रेलगाड़ियों और बसों द्वारा देश के विभिन्न हिस्सों से वापिस लाया गया है। जय राम ठाकुर ने कहा कि क्षेत्र के एक कांग्रेस नेता राजनीतिक लाभ हासिल करने के लिए इस विषय को उछालने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेता यह साबित करने की कोशिश कर रहे हैं कि उन्हें सरकार चलाने का बहुत अनुभव है। उन्होंने कांग्रेस नेता को सलाह दी कि वह पहले कांग्रेस शासित राज्यों की स्थिति पर गौर करें और उसके बाद राज्य सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी एक नेतृत्व विहीन पार्टी है, जिसमें हर कोई खुद को पार्टी के नेता के रूप में पेश करने की कोशिश कर रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह विडंबना ही है कि कथित स्वास्थ्य घोटाले के बारे में कांग्रेस के नेता बहुत शोर कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जैसे ही यह मामला सरकार के संज्ञान में आया, स्वास्थ्य निदेशक के खिलाफ तुरंत कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा कि सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टाॅलरेंस की नीति अपना रही है और भ्रष्टाचार में लिप्त किसी भी व्यक्ति से सख्ती से निपटा जाएगा। हरोली विधानसभा क्षेत्र के विकास का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार क्षेत्र के विकास को सुनिश्चित करने के लिए सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में करोड़ों रुपये की विकास परियोजनाएं शुरू की गई हैं।
केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट अफ़ेयर्स राज्यमंत्री अनुराग ठाकुर ने हमीरपुर संसदीय क्षेत्र व हिमाचल प्रदेश की विभिन्न विधानसभाओं के भाजपा पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं साथ वर्चुअल रैली कर क्षेत्र में कोरोना आपदा से राहत कार्यों के विषय में जानकारी लेकर उन्हें केंद्र सरकार द्वारा किए गए उपायों अवगत कराया व कार्यकर्ताओं से इसे जन-जन तक पहुँचाने का आह्वाहन किया। हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के सुजानपुर व बड़सर में आयोजित इस वर्चुअल रैली में पूर्व मुख्यमंत्री प्रोफ़ेसर प्रेम कुमार धूमल व पंचायती राज मंत्री वीरेंद्र कंवर मुख्य रूप से उपस्थित रहे। वर्चऊल रैली को सम्बोधित करते हुए अनुराग ठाकुर ने कहा "कोरोना जैसी वैश्विक महामारी से देशवासियों को राहत देने के लिए केंद्र की मोदी सरकार अनेकों अनेक उपाय कर रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को इस आपदा से राहत देने के लिए 20 लाख करोड़ से ज़्यादा का राहत पैकेज दिया है। हम पूरे मनोयोग से इन योजनाओं को सुचारु ढंग से लागू करने व इसके समुचित क्रियान्वयन के किए कार्यरत हैं। मेरा भारतीय जनता पार्टी के सभी कार्यकर्ताओं से अनुरोध है कि विभिन्न योजनाओं के पात्रों को ज़्यादा से ज़्यादा संख्या में इन योजनाओं व आर्थिक सहायता का लाभ मिल सके इसके लिए व्यापक जागरूकता व पात्रों को सम्बंधित केंद्रों तक ले जाने में अपनी भूमिका सुनिश्चित करें।इस आपदा के समय में यही मानवता की सच्ची सेवा होगी।” आगे बोलते हुए अनुराग ठाकुर ने कहा "कोरोना महामारी से निपटने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार हर ज़रूरी कदम उठा रही है। इस आपदा की विभिषिका से देशवासियों को राहत पहुँचाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण पैकेज दिया था। अब तक इस पैकेज से 43 करोड़ से अधिक लोगों को 64000 करोड़ रुपए से अधिक की सहायता पहुँचाई जा चुकी है।महिला जनधन खाताधारकों को 31000 करोड़ रुपए अब तक ट्रांसफ़र किए जा चुके हैं। 2.81 करोड़ वृद्ध,विधवा,दिव्यांग व वरिष्ठ नागरिकों को 2814 करोड़, 8.19 करोड़ किसानों को प्रधानमंत्री किसान योजना के तहत 16394 करोड़, 2.3 करोड़ बिल्डिंग एवं निर्माण श्रमिकों को 4313 करोड़, 59.43 लाख कर्मचारियों के ईपीएफ़ का 24% सहयोग 895 करोड़, उज्ज्वला योजना के अंतर्गत लगभग 9000 करोड़ रुपए का लाभ इन योजनाओं के लाभार्थीयों को दिया जा चुका है केंद्र सरकार ने किसानों से जुड़े दो नए अध्यादेशों को मंजूरी व एक अध्यादेश में संशोधन की मंजूरी दी है। फार्मिंग प्रोड्यूस ट्रेड एंड कॉमर्स ऑर्डिनेंस-2020 को मंजूरी मिलने से किसानों को अपनी फसल अपने हिसाब से बेचने की आजादी मिलेगी। अब किसान जहां चाहेगा और जिसे चाहेगा अपनी फसल बेच सकेगा व ई-ट्रेडिंग के जरिए खरीद-बिक्री हो सकेगी। किसानों को फसल की अच्छी कीमत मिल पाएगी। एक देश, एक बाजार की दिशा में यह एक बड़ा कदम है। फार्मर्स एग्रीमेंट प्राइस एश्योरेंस एंड फार्म सर्विसेज ऑर्डिनेंस-2020 को मंजूरी मिल जाने से किसान और व्यापारी अब एग्रीमेंट कर सकेंगे। इसमें न्यूनतम मूल्य पहले ही तय होगा। ऐसे में किसानों को नुकसान होने का कोई ख़तरा नहीं रहेगा। आवश्यक वस्तु अधिनियम में संशोधन की मंजूरी मिल गई है व अनाज, तेल, तिलहन, दाल, आलू और प्याज को इस एक्ट के दायरे से बाहर किया गया है।” अनुराग ठाकुर ने कहा "देश के ऊपर कोरोना का प्रभाव कम से कम हो इसके लिए हमने हर ज़रूरी उपाय किए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार ने 20 लाख करोड़ रुपए की मदद से देश को आत्मनिर्भर बनाने का ब्लू प्रिंट सामने रख दिया है। सरकार द्वारा मनरेगा के तहत एक लाख एक हजार करोड़ का बजट प्रवासी मज़दूरों के लिए तय किया गया है, जिससे 300 करोड़ कार्यदिवस का सृजन होगा। मनरेगा के तहत मिलने वाले श्रम में भी सरकार ने बढ़ोत्ररी कर 182 रूपए प्रतिदिन की जगह पर 202 रूपए की मजदूरी तय कर दी है।यह सब सरकार की तरफ से इसलिए किया गया जिससे श्रमिकों के सामने आर्थिक संकट पैदा नहीं हो। आगामी वर्षों में साल 2020 को भारतीय अर्थव्यवस्था में रिफॉर्म के लिए याद रखा जाएगा। हमने बड़े फ़ैसले और बड़े रिफॉर्म के ज़रिए देश को एक नई दिशा की ओर ले चलने की शुरुआत की है जिसमें रोज़गार, स्वरोज़गार कारोबार व अविष्कार को बढ़ावा देने की नीतियों से आत्मनिर्भर भारत का विजन साकार होगा।”
जिला दण्डाधिकारी सोलन के.सी. चमन ने कोविड-19 के खतरे के दृष्टिगत जिला में विभिन्न कार्यों के लिए आने वाले श्रमिकों का आवागमन व्यवस्थित करने के उद्देश्य से मानक परिचालन प्रक्रिया जारी की है। आदेशों के अनुसार मानक परिचालन प्रक्रिया के अनुरूप श्रमिकों का संकलन सम्बन्धित औद्योगिक प्रबन्धन, श्रमिक ठेकेदार, आवास मालिक, झुग्गी मालिक, व्यावसायी, दुकानदार, समिति इत्यादि द्वारा किया जाएगा। इन आदेशों के अुनसार प्रवासी व्यक्ति अथवा श्रमिक के सोलन जिला में पंहुचते ही इन्हें स्वंय तथा उपरोक्त संस्थानों या व्यक्तियों को ऑनलाईन लिंक पर पंजीकरण करना होगा। इस लिंक पर पंजीकरण के उपरान्त जानकारी प्रस्तुत करने वाले व्यक्ति को ई-मेल के माध्यम से पुष्टि मेल प्राप्त होगी। पुष्टि के लिए प्राप्त ई-मेल को रिकार्ड के लिए सुरक्षित रखना होगा और भविष्य में जांच के समय प्रशासनिक एजेंसियों द्वारा मांगे जाने पर दिखाना होगा। यदि जिला में आने वाले व्यक्ति के पास स्मार्टफोन नहीं है तो वह अपनी पूरी जानकारी निर्धारित प्रपत्र में भरकर समीप के पुलिस थाने को रिकार्ड के लिए अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करेगा। प्रत्येक प्रवासी एवं श्रमिक के लिए समीप के पुलिस थाने में अपना नवीन पंजीकरण करवाना अनिवार्य होगा। पूर्व में पंजीकरण होने की स्थिति में भी नवीन पंजीकरण करवाना होगा। कोई भी प्रवासी व्यक्ति सोलन जिला में संबंधित पुलिस थाना प्रभारी को सूचित किए बिना किसी भी प्रकार का स्वरोजगार अथवा रोजगार नहीं करेगा। ठेकेदारों एवं अन्य एजेंसियों के लिए समीप के श्रम अधिकारी के कार्यालय में प्रवासी श्रमिकों का पंजीकरण करवाना अनिवार्य होगा। सोलन जिला में पहुंचने पर ऐसे श्रमिकों को पहले 14 दिनों के लिए पूर्व चिन्हित होम क्वारेनटीन सुविधा में रखा जाएगा। संबंधित श्रम अधिकारी द्वारा इसे प्रमाणित किया जाएगा। इस संबंध में व्यवस्था संबंधित ठेकेदार द्वारा की जाएगी। कोई भी रोजगार प्रदाता, ठेकेदार तथा व्यावसायी तब तक प्रवासी व्यक्तियों एवं श्रमिकों से किसी भी प्रकार का कार्य नहीं करवाएगा जब तक यह व्यक्ति अपनी पासपोर्ट आकार की फोटोग्राफ सहित पूरी जानकारी श्रम विभाग को सत्यापन एवं जांच के लिए प्रस्तुत नहीं करता। आवास मालिकों के लिए ऐसे गैर हिमाचलियों की जानकारी प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा जो अन्य राज्यों से जिला में आए हैं। यह सूचना संबंधित थाना प्रभारी को पंजीकरण के लिए प्रस्तुत की जाएगी। जिला दंडाधिकारी ने 4 मई 2020 को औद्योगिक इकाइयों के कामगारों एवं श्रमिकों के ‘वन टाइम’ आवागमन के लिए जारी दिशा-निर्देशों के संबंध में आदेश दिए हैं कि संबंधित औद्योगिक इकाइयां ऐसे आवागमन के विषय में पूर्व में अनुमति प्राप्त करेंगी। किसी कारणवश ऐसा संभव न होने की स्थिति में औद्योगिक इकाई उप निदेशक उद्योग बद्दी अथवा एकल खिड़की स्वीकृति प्राधिकरण परवानू को आवेदन करेगी। आवेदन के दिन ही अनुमति प्रदान की जाएगी। आदेशों में स्पष्ट किया गया है कि उक्त कर्मियों एवं श्रमिकों के लिए क्वारेनटीन सुविधा उपलब्ध करवाना संबंधित औद्योगिक इकाई का उत्तरदायित्व होगा। इन आदेशों की अवहेलना पर प्रवासी व्यक्ति अथवा श्रमिक या रोजगार प्रदाता अथवा आवास मालिक पर भारतीय दण्ड संहिता की धारा 188, पुलिस अधिनियम की धारा 111 तथा आपदा प्रबंधन अधिनियम एवं महामारी अधिनियम के तहत उचित कार्यवाही की जाएगी। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गए हैं।
बिलासपुर पुलिस की सुरक्षा शाखा ने एक बार फिर से नशे के खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक करते हुए सड़क पर चल रहे एक राहगीर से एक पेटी देशी शराब बरामद की है। प्राप्त जानकारी के अनुसार सुरक्षा शाखा की टीम प्रभारी संजीव पुंडीर व केवल किशोर भराड़ी थाना की टीम के साथ सयुंक्त रूप से गश्त पर थे। जब यह टीम शाम को लंजता के पास पहुंची तो इन्होने देखा की सुनसान सड़क पर एक व्यक्ति अपने कंधे पर एक बैग उठा कर चला हुआ था। जब इस व्यक्ति ने पुलिस को देखा तो यह घबरा गया जिस पर सुरक्षा शाखा की टीम को इस पर शक हुआ। जब उन्होंने इस व्यक्ति के बैग की तलाशी ली तो उसमे से एक पेटी बरामद हुई जिसके अन्दर 12 बोतल संतरा ब्रांड देशी शराब बरामद हुई। पुलिस ने जब इस व्यक्ति से इस शराब का परमिट / लाइसेंस माँगा तो यह व्यक्ति उसे पेश नही कर पाया जिस पर सुरक्षा शाखा की टीम ने इस व्यक्ति के खिलाफ हिमाचल एक्साइज एक्ट के तहत भराड़ी थाने में मामला दर्ज कर आगामी जांच शुरू कर दी है। आरोपी व्यक्ति की शिनाख्त राकेश कुमार निवासी लंजता के रूप में हुई है।
हिमाचल भाजपा में मचे घमासान ने नया रुख ले लिया है। ज्वालामुखी के विधायक रमेश धवाला ने पार्टी को एक पत्र सौंपा है। इस पत्र में उन्होंने 11 जून को मीडिया में दिए हुए अपने बयान के प्रति खेद व्यक्त किया है। बता दें की रमेश धवल ने प्रदेश भाजपा संगठन मंत्री पवन राणा के खिलाफ सार्वजनिक तौर पर बयानबाज़ी की थी। उन्होंने पवन राणा पर उनके काम में दखलंदाजी के गम्भीर आरोप लगाए थे। इस बयान के बाद हिमाचल भाजपा में माहौल गरमा गया व धवाला के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी उठने लगी। कांगड़ा के विधायक राकेश पठानिया, विशाल नहरिया तथा रीता धीमान ने धवाला के इस बयान से पहले ही किनारा कर लिया था। अब धवाला के खेद पत्र ने इस मामले को नया रुख दे दिया है। जानिए धवाला ने पत्र में क्या लिखा है। "मैं रमेश धवाला, विधायक ज्वालामुखी विधान सभा क्षेत्र ने दिनांक 11-06-2020 को मीडिया के समक्ष भावुकता में आकर कुछ बातों का जिक्र किया है जिसके प्रति खेद प्रकट करता हूँ। मैं ज्वालामुखी विधान सभा क्षेत्र से चार बार विधायक चुनकर आया हूँ और संगठन का समर्पित कार्यकर्ता हूँ। मेरी संगठन व सरकार को कोई भी नुकसान पहुंचाने की मंशा नहीं थी तथा मैंने हमेशा संगठन को मजबूत करने के लिए अपना भरसक सहयोग दिया है। जो मेरे कुछ विषय थे, उनके बारे मैंने माननीय मुख्य मन्त्री जी से अपना पक्ष रखा और माननीय मुख्य मन्त्री जी ने आश्वासन दिया है कि यह विषय संगठन के अन्दर चर्चा करके हम समाधान करने का प्रयत्न करेंगे। मैं संगठन और सरकार को मजबूत करने के लिए हमेशा अपना सहयोग देता रहा हूँ और आगे भी देता रहूँगा। मैं संगठन का समर्पित कार्यकर्ता होने के नाते मेरे द्वारा भावुकता में पूर्व में दिए गए अपने बयानों पर खेद प्रकट करता हूँ।"
हिमाचल प्रदेश स्टेट बायोडायवर्सिटी बोर्ड द्वारा अंतरराष्ट्रीय जैव विविधता दिवस के अवसर पर विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया। जिसमे जुखाला क्षेत्र के युवा ध्रुव शर्मा ने निबन्ध लेखन में प्रथम स्थान प्राप्त किया। ध्रुव शर्मा मिनर्वा सीनियर सेकंडरी स्कूल घुमारवीं में शिक्षा प्राप्त कर रहा है। जिला विज्ञान पर्यवेक्षक रवि कुमार गौतम ने बताया की इस अवसर पर विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया जिसमे पोस्टर निर्माण, नारा लेखन तथा निबन्ध लेखन का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में मिनर्वा स्कूल के छात्र ध्रुव शर्मा ने निबन्ध लेखन में पुरे प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया। इस मौके पर मिनर्वा स्कूल के प्रधानाचार्य परवेश चंदेल ने ध्रुव तथा उनके पिता शशि पाल व माता सरिता कुमारी को बधाई दी है।
कंदरौर में भारतीय जनता पार्टी के एक नेता द्वारा हरिजन बस्ती के रास्ते को रोके जाने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। उस मामले को लेकर पूर्व विधायक एवं पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष बंबर ठाकुर ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी है कि इस तरह की कार्रवाई किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रशासन और पुलिस पर वर्तमान सरकार का इतना अधिक प्रभाव है कि गांव वासियों द्वारा पिछले तीन दिन से लगातार यह शिकायत की जा रही है कि उनका रास्ता रोक दिया गया पर आरोपी व्यक्ति के खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की जा रही है और ना ही एफ आई आर दर्ज की जा रही है। उन्होंने कहा कि इस तरह की मनमानी किसी भी कीमत पर सहन नहीं की जाएगी। उन्होंने बताया कि अभी तो यह सांकेतिक धरना है अगर प्रशासन ने कोई कार्रवाई नहीं की तो वह किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं। उन्होंने बताया कि गांव वालों ने उन्हें शनिवार को सुबह इसकी सूचना दी और इसी कारण वे यहां गांव वासियों के साथ धरने पर बैठे। बंबर ने कहा कि उनकी किसी से कोई व्यक्तिगत तौर पर किसी से कोई दुश्मनी नहीं है कोई द्वेष भावना नहीं है लेकिन जब गांव वासियों को सताया जाए और पुलिस प्रशासन के लोग चुपचाप बैठे रहे तो यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शिमला से पालमपुर भाजपा मण्डल की वर्चुअल रैली को संबोधित करते हुए कहा कि 135 करोड़ जनसंख्या वाला देश होने के बावजूद भारत में केवल 8500 मौतें दर्ज की गई, जबकि 142 करोड़ जनसंख्या वाले 15 सर्वाधिक विकसित देशों में मौत का यह आंकड़ा 4.30 लाख से अधिक हो चुका है। उन्होंने कहा कि हमारे देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी व त्वरित निर्णय के कारण ही कोविड-19 की स्थिति को प्रभावी ढंग से काबू किया जा सका। जय राम ठाकुर ने कहा कि इस लाॅकडाउन की स्थिति में भी एक-दूसरे से संपर्क प्रौद्योगिकी के माध्यम से संभव हो रहा है, जिसका श्रेय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के डिजिटल इंडिया मिशन को जाता है। उन्होंने कहा कि केन्द्र और राज्य सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों के प्रचार के लिए सभी पार्टी पदाधिकारियों को सोशल मीडिया का उपयोग करना चाहिए। उन्होंने कहा कि इसके अलावा इस मीडिया का उपयोग उन्हें कांग्रेस के झूठे प्रचार का जवाब देने के लिए भी करना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने देश के विभिन्न क्षेत्रों में फंसे 1.95 लाख प्रदेशवासियों को घर वापिस लाया। उन्होंने कहा कि इसके कारण प्रदेश में कोविड-19 के मामलों में बढ़ौतरी हुई, इसके बावजूद लोगों की घर वापसी प्रदेश सरकार की जिम्मेवारी थी। उन्होंने कहा कि प्रदेशवासियों को डरने की जरूरत नहीं है, क्योंकि दूसरे राज्यों से वापिस आए लोग और उनके प्राथमिक संपर्क में आने वाले लोग ही कोरोना पाॅजिटिव पाए गए हैं। उन्होंने कहा कि देश के दूसरे क्षेत्रों से आने वाले लोगों को संस्थागत या होम क्वारन्टीन में रखा गया है और उन्हें आमजन से मिलने की अनुमति नहीं है, ताकि सामुदायिक स्तर का फैलाव रोका जा सके। जय राम ठाकुर ने कहा कि आज पूरा विश्व कोविड-19 महामारी से बुरी तरह प्रभावित है। उन्होंने कहा कि सरकार इस संकट से निकलने के भरसक प्रयत्न कर रही है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा घोषित 20 लाख करोड़ रुपये के आर्थिक पैकेज से देश व प्रदेश की आर्थिकी में अप्रत्याशित सुधार होगा। उन्होंने कहा कि इस आर्थिक पैकेज से समाज के प्रत्येक वर्ग को सहायता मिलेगी। इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार ने पालमपुर से अपने विचार सांझा किए। संगठन जिला पालमपुर के अध्यक्ष हरि दत्त शर्मा ने धन्यवाद प्रस्ताव रखा। इस अवसर पर सांसद इंदु गोस्वामी, भारतीय जनता पार्टी के राज्य महासचिव त्रिलोक कपूर, पूर्व विधायक परवीन शर्मा ने अपने विचार रखे।
प्रदेश युवा कांग्रेस अध्यक्ष मनीष ठाकुर ने बताया कि हिमाचल प्रदेश युवा कांग्रेस आगामी 15, 16 और 17 जून 2020 को प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग में हो रहे घोटालों के खिलाफ विधानसभा स्तर पर जिला उपायुक्त कार्यालय, SDM कार्यालय और तहसील कार्यालय के सम्मुख थाली और ढोल बजाकर भ्र्ष्टाचार खिलाफ विरोध प्रदर्शन करेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार इस मुद्दे को दबाने की कोशिश कर रही है लेकिन युवा कांग्रेस इस मुद्दे को दबने नहीं देगी। युवा कांग्रेस इस प्रदर्शन के माध्यम से प्रदेश के राज्यपाल को एक बार फिर से ज्ञापन सौंपकर इस घोटाले की उच्च न्यायालय के सेवारत न्यायधीश से न्यायिक जांच की मांग करेगी और प्रदेश के मुख्यमंन्त्री से भी नैतिकता के आधार पर इस्तीफे की मांग करेगी। उन्होंने बताया कि इस प्रदर्शन के लिए युवा कांग्रेस ने विधानसभा वार प्रभारियों की नियुक्ति भी कर दी है।
लोक निर्माण विभाग अर्की द्वारा उपमंडल के शहीद विजयंत थापर पार्क में दंगल पूजन किया गया। ज्ञात हो कि लोक निर्माण विभाग अर्की द्धारा हर वर्ष जून महीने के दूसरे शनिवार को दंगल का आयोजन किया जाता रहा है परंतु इस वर्ष कोरोना महामारी के चलते इस दंगल पर भी ग्रहण लग गया। दंगल के आयोजक विभाग के कनिष्ठ अभियंता लेखराम कौंडल ने जानकारी देते हुए बताया कि कोरोना महामारी के कारण दंगल का आयोजन नहीं करवाया जा सका। स्थानीय प्रशासन द्धारा केवल सात व्यक्तियों को अनुमति प्रदान की गई जिस पर विभाग के सात कर्मचारियों ने पहले स्थानीय हनुमान मंदिर में जाकर प्रथानुसार झंडा पूजन किया तथा उसके बाद दंगल स्थल पर जाकर हनुमान चालीसा का जाप कर हनुमान जी की ध्वजा का रोहण किया। इस अवसर पर डीआर शर्मा, मुकेश शर्मा, गोपाल सिंह, कृष्ण चंद, घनश्याम शर्मा तथा मेहर चंद उपस्थित रहे। लेखराम कौंडल ने एसडीएम विकास शुक्ला तथा विभाग के अधिशाषी अभियंता रवि कपूर का विशेष सहयोग के लिए धन्यवाद किया है।
जिला शिमला के ठियोग में शनिवार सुबह एक आगजनी हो गई। ठियोग में पीएनबी बैंक के नजदीक डोगरा क्लॉथ हाउस आग लगने से खाक हो गया है। जानकारी के अनुसार दुकान संजय डोगरा की बताई जा रही है। आग लगने की सूचना लगते ही फायर ब्रिगेड ने मौके पर पहुंच कर आग को काबू कर अन्य दुकानों को जलने से बचा लिया। पुलिस तथा प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर मौजूद थे। आग लगने का कारण बिजली का शार्ट सर्किट बताया जा रहा है। दुकान के अंदर से कपड़े के थान जल गए। मौके पर तहसीलदार ठियोग वेद प्रकाश शर्मा भी मौजूद थे जिन्होंने पीड़ित परिवार को फौरी राहत प्रदान की है। आग लगने से दुकानदार का काफी नुकसान हुआ है। पुलिस ने आगजनी की आगामी जांच शुरू कर दी है।
प्रदेश कांग्रेस महासचिव रजनीश किमटा ने स्पीति में कृषि मंत्री रामलाल मार्कडे के क्वारंटाइन के चलते उनके प्रवेश का विरोध करने वालो के खिलाफ किसी भी कानूनी कार्यवाही की कड़ी निंदा करते हुए कहा है कि अगर प्रशासन ने ऐसा कोई कदम उठाया तो कांग्रेस चुप बैठने वाली नही। उन्होंने कहा है कि स्पीति की महिलाओं ने कृषि मंत्री को क्वारंटाइन के चलते अपने क्षेत्र में कोविड 19 के प्रति नियम और कानून का पालन करते हुए उनके वहां आने का विरोध किया था। उन्होंने कहा है कि क्वारंटाइन पर सरकार व प्रशासन के दोहरे मापदंड सहन नही किए जा सकते। किमटा ने कहा है कि भाजपा के नेता प्रदेश में क्वारंटाइन का खुला उल्लंघन कर रहे हैं। उन्होंने कहा है कि प्रदेश सरकार के दोहरे मापदंड के चलते प्रदेश में दिनों दिन कोरोना संक्रांति लोगों की संख्या में भारी वृद्धि हो रही है। उनका कहना है कि लॉक डाउन के चलते प्रदेश में जन जीवन पूरी तरह से अस्त व्यस्त हो गया है। उन्होंने कहा है कि इस समय प्रदेश सरकार अंतर्कलह से जूझ रही है। भाजपा के भीतर जो अंतर्विरोध चल रहा है उसके परिणाम स्वरूप मुख्यमंत्री अपने नेताओं की बैठकों में मशरूफ है। प्रदेश में लोगों की समस्याओं और उनको दूर करने के कोई भी सार्थक प्रयास सरकार नही कर रही है। रजनीश किमटा ने कहा अभी तक प्रदेश सरकार ने न तो किसानों, बागवानों को ही कोई राहत दी है न ही आम लोगों को न बेरोजगारों को ही।उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया है कि वह इस दौर में भी अपनी ओछी राजनीति से बाज नही आ रही है। उनका कहना है कि वर्चुअल रैलियां कर भाजपा अपने राजनैतिक एजंडे पर काम कर रही है। उनका कहना है कि भाजपा को इस समय विहार के चुनावों की पड़ी है देश की नही, जो बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है।
शुक्रवार को गणपति मेगा स्टोर एवं हरीश ब्रदर द्वारा सीएम हाउस में जाकर 10 सैनिटाइजर मशीनें CM house में दी। इस अवसर पर न्याय एवं सहकारिता मंत्री डॉ राजीव सेजल व महिला प्रदेश अध्यक्ष डेज़ी ठाकुर उपस्थित थे। तरुण गर्ग एवं सचिन गोयल ने अपनी ओर से 10 मशीनें देकर अपना योगदान किया कोरोना वायरस को लेकर सभी संस्थाएं अपना कुछ ना कुछ योगदान देती रहती हैं। ऐसे में गणपति मेगास्टार एवं हरीश ब्रदर ने गत दिवस शहर में ऐसी मशीनें वितरित की थी। इसके पश्चात नगर परिषद के कार्यालय में सफाई कर्मचारियों को भी खाने-पीने की सामग्री अपनी ओर से वितरित की गई। डॉक्टर राजीव सहजल ने इन लोगों का धन्यवाद किया।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शिमला से भाजपा मण्डल मण्डी सदर की वर्चुअल रैली को सम्बोधित करते हुए कहा कि नगर परिषद मण्डी और मण्डी सदर में अन्य भाजपा पदाधिकारियों ने कोरोना महामारी के दौरान हुए लाॅकडाउन में जरूरतमंदों को भोजन, आवास तथा अन्य आवश्यकताओं को पूरा करने में सराहनीय कार्य किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने लोगों को मास्क उपलब्ध करवाए तथा शारीरिक दूरी की महत्ता पर भी जागरूक किया। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता पीएम केयर्ज तथा कोविड फंड में भी उदारता से दान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि केवल सामूहिक प्रयासों के द्वारा ही कोरोना वायरस से प्रभावी ढंग से निपटा जा सकता है। जय राम ठाकुर ने कहा कि मण्डी शहर की धार्मिक और पर्यटन महत्ता के दृष्टिगत यहां कई विकासात्मक परियोजनाओं पर भी कार्य चल रहा है। मण्डी और कुल्लू-मनाली क्षेत्र में आने वाले पर्यटकों की सुविधा के लिए मण्डी के निकट अन्तरराष्ट्रीय हवाई अड्डा विकसित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कंगनीधार के निकट शिवधाम विकसित किया जा रहा है, जो पर्यटकों के लिए अतिरिक्त आकर्षण होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि मण्डी शहर व इसके साथ लगते क्षेत्रों में 68.57 करोड़ रुपये की लागत से मलनिकासी परियोजनाओं का निर्माण किया जाएगा। इसके अतिरिक्त मण्डी शहर के लिए 82.18 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित पेयजल योजना लोगों को समर्पित की गई है जिससे क्षेत्र के लगभग 47 हजार लोग लाभान्वित होंगे। उन्होंने कहा कि मण्डी शहर में कंगनीधार से दुधार के लिए 86.39 लाख रुपये की लागत से एक अतिरिक्त उठाऊ जलापूर्ति योजना का निर्माण किया जा रहा है। जय राम ठाकुर ने कहा कि 7.50 करोड़ रुपये की लागत से ब्यूली में ईवीएम और वीवी पैट मशीनों के भण्डारण के लिए गोदाम का शिलान्यास किया गया है। सांसद राम स्वरूप शर्मा ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया और कहा कि यह मण्डी जिला का सौभाग्य है कि मण्डी जिला को पहली बार मुख्यमंत्री मिला है। विधायक राकेश जमवाल, जिला मण्डी भाजपा महासचिव रणवीर सिंह, पूर्व विधायक डी.डी. ठाकुर और कन्हैया लाल, भाजपा महिला मोर्चा मण्डी और नगर परिषद मण्डी की अध्यक्षा सुमन ठाकुर, महासचिव बाल कल्याण परिषद पायल वैद्य और भाजपा सदर मण्डल अध्यक्ष मनीष कपूर इस वर्चुअल रैली में मण्डी में उपस्थित थे।
40वीं जीएसटी काॅऊंसिल की बैठक का आयोजन नई दिल्ली में हुआ जिसकी अध्यक्षता केंद्रीय वित्त मंत्री एवं जीएसटी काॅऊंसिल की अध्यक्षा निर्मला सीतारमण ने की। केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर भी बैठक में उपस्थित थे। राज्य सरकार की ओर से उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह ने वीडियों काॅन्फ्रेसिंग के माध्यम से बैठक में भाग लिया। अपने सम्बोधन में उद्योंग मंत्री बिक्रम सिंह ने हिमाचल प्रदेश को उदार सहायता प्रदान करने के लिए केंद्र सरकार का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश एक छोटा राज्य है जिसकी आर्थिकी काफी हद तक पर्यटन पर निर्भर करती है। कोविड-19 के कारण लाॅकडाउन होने से राज्य में पर्यटन गतिविधियों को नुकसान पहुंचा है तथा राज्य में खनन गतिविधियां भी प्रभावित हुई हैं। उन्होंने कहा कि जनवरी माह तक राज्य को हुए जीएसटी नुकसान भरपाई के लिए 612 करोड़ रुपये प्राप्त हुए। उन्होंने केंद्रीय वित्त मंत्री से मार्च माह तक केे 216 करोड़ रुपये भी शीघ्र जारी करने का आग्रह किया। बिक्रम सिंह ने राष्ट्र के लिए घोषित 20 लाख करोड़ रुपये के आर्थिक पैकेज के लिए केन्द्र सरकार का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा घोषित यह पैकेज समाज के कमजोर वर्गों, मध्यम, लघु एवं सूक्ष्म उद्योगों, व्यवसायियों, श्रमिकों तथा आमजन के लिए वरदान सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) के लिए की गई घोषणाओं से हिमाचल प्रदेश को बहुत लाभ होगा और औद्योगिक उत्पादन भी बढ़ेगा। बिक्रम सिंह ने कहा कि वर्तमान में हिमाचल प्रदेश में लगभग 55 हजार एमएसएमई औद्योगिक इकाइयां हैं जो कुल इकाइयों का 98 प्रतिशत है। एमएसएमई की रोजगार सृजन में 93 प्रतिशत भागीदारी है। कुल औद्योगिक उत्पादन में एमएसएमई का हिस्सा 85 प्रतिशत है। इस तरह हिमाचल प्रदेश एक एमएसएमई राज्य है। बिक्रम सिंह ने कहा कि एमएसएमई उद्योगों को तीन लाख करोड़ रुपये का कर्ज चार सालों में वापस करना होगा। कर्ज में डूबे लघु उद्योगों को 20 हजार करोड़ रुपये का कर्ज दिया जाएगा जिसके लिए किसी तरह की गारंटी की आवश्यकता नहीं होगी। इससे उद्यमियों को कच्चे माल की आपूर्ति तथा अन्य खर्चों के लिए धन उपलब्ध हो पाएगा और वे अपना कारोबार बढ़ा सकेंगे। उन्होंने कहा कि 200 करोड़ रुपये तक का टैंडर अब ग्लोबल टैंडर नहीं होगा। इससे घरेलू औद्योगिक उत्पादन बढ़ेगा और इसका सीधा लाभ एमएसएमई इकाइयों को होगा। 31 अक्तूबर, 2020 तक कोई गारंटी फीस नहीं होगी। इससे 45 लाख इकाइयों को लाभ मिलेगा। फंड ऑफ़ फंड्स की घोषणा से अच्छे काम करने वाली इकाइयों को प्रोत्साहन मिलेगा। उद्योग मंत्री ने कहा कि ई-मार्केट लिंक की उपलब्धता से एमएसएमई की इकाइयों को अपने उत्पाद की बिक्री में सुविधा मिलेगी। मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव, जेसी शर्मा व अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
आवासीय उपायुक्त विवेक महाजन ने कहा कि आवासीय आयुक्त कार्यालय, नई दिल्ली में कोविड-19 के लिए जोखिम में पाए गए चार लोगों की जाॅंच रिपोर्ट नेगेटिव आई है। उन्होंने कहा कि इन चारों लोगों का सरकारी केन्द्र में टेस्ट करवाया गया। कुछ दिन पूर्व आवासीय आयुक्त कार्यालय का एक लिपिक और उनकी पत्नी कोविड-19 से पीड़ित पाए गए थे। इस मामले को जिला निगरानी अधिकारी के साथ उठाया गया और दोनों लोगों को राम मनोहर लोहिया अस्पताल ले लाया गया, जहां लिपिक कोे छुट्टी दे दी गई और वर्तमान में घर पर क्वारंटीन में हैं। उनकी पत्नी अस्वस्थ है और अस्पताल में भर्ती किया गया है। विवेक महाजन ने कहा कि मामला सामने आने के उपरान्त हिमाचल भवन को सील करने के उपरान्त सेनेटाईज किया गया। इसके अतिरिक्त उस क्षेत्र को भी सेनेटाईज किया गया है, जहां लिपिक का घर है। उन्होंने कहा कि आवासीय आयुक्त कार्यालय के एक अन्य आउटसोर्स लिपिक के पिता कोरोना संक्रमित पाया गया हैं, जिसके कारण उसे कार्यालय नही आने के निर्देश दिए गए हैं और उसकी कोविड-19 जाॅंच रिपोर्ट आना शेष है। उन्होंने कहा कि हिमाचल भवन पूर्ण रूप से सुरक्षित है और सरकार द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का पालन किया जा रहा है।
राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने आज अपना 73वां जन्मदिन मनाया। भारत के राष्ट्रपति रामनाथ कोविन्द और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उन्हें दूरभाष के माध्यम से बधाई दी और उनके दीर्घायु व सुखद जीवन की कामना की। मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर व उनकी धर्मपत्नी डाॅ. साधना ठाकुर ने भी राज्यपाल को राजभवन पहंुचकर जन्मदिन की बधाई दी। उन्होंने उनके स्वस्थ और लम्बे जीवन की कामना की और कहा कि राज्य सरकार उनका मार्गदर्शन प्राप्त करती रहेगी। केन्द्रीय मंत्रियों और विभिन्न राज्यों के राज्यपालों ने भी उन्हें बधाई दी। इससे पूर्व राज्यपाल ने अपने जन्मदिन के अवसर पर हवन किया। शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज, ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री वीरेन्द्र कंवर तथा सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डाॅ. राजीव सैजल, विधायकों व विभिन्न निगमों और बोर्ड के अध्यक्षों ने भी राज्यपाल को राजभवन पहुंचकर बधाई दी। मुख्य सचिव अनिल खाची, पुलिस महानिदेशक संजय कुण्डू, जीओसी-इन-सी आरटैªक लै. जनरल राज शुक्ला, अतिरिक्त मुख्य सचिव आर.डी. धीमान, मुख्यमंत्री के सलाहकार डा. आर.एन. बत्ता, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव जे.सी शर्मा, सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग के निदेशक हरबंस सिंह ब्रसकोन, राज्य सरकार के अन्य वरिष्ठ अधिकारी तथा अन्य गणमान्य व्यक्ति भी राज्यपाल के जन्मदिन समारोह में उपस्थित हुए।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने कहा कि शहरी स्थानीय निकायों के सदस्य कोविड-19 की लड़ाई में देश व राज्य में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं और इस महामारी के समाप्त होने पर उन्हें यह जिम्मेदारी प्रभावी रूप से निभानी होगी। मुख्यमंत्री ने शिमला से प्रदेश के स्थानीय शहरी निकायों के प्रतिनिधियों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सम्बोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि प्रदेश के 54 शहरी स्थानीय निकायों के लगभग चार हजार कार्यकर्ता न केवल अपने क्षेत्रों में स्वच्छता कायम रखे हुए है, बल्कि उन लोगों पर भी नजर बनाए हुए हैं, जो देश के विभिन्न राज्यों से घर वापसी कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने शहरी स्थानीय निकायों के कार्यकर्ताओं को प्रोत्साहन के रूप में दो महीनों के लिए 1500 रुपये प्रदान करने के अतिरिक्त एक महीने का अग्रिम वेतन भी प्रदान किया है ताकि कोरोना वायरस महामारी के कारण उन्हें वित्तीय परेशानी का सामना न करने पड़े। उन्होंने कहा कि ये कार्यकर्ता सही मायनों में कोरोना योद्धा हैं, जिन्होंने क्वारंटीन केन्द्रों को भी सेनेटाईज किया है। उन्होंने कहा कि शहरी स्थानीय निकायों के 179 स्वयं सहायता समूहों ने जरूरतमंद लोगों को एक लाख मास्क प्रदान किए हैं। जय राम ठाकुर ने कहा कि इस महामारी के दौरान प्रदेश के हजारों लोग अन्य राज्यों से वापस आए हैं। राज्य सरकार ने प्रदेश की आर्थिकी को पुनर्जीवित करने के लिए कई कदम उठाए हैं। सरकार ने मुख्यमंत्री शहरी आजीविका गारंटी योजना आरम्भ की है, जिसके अन्तर्गत शहरी क्षेत्रों के लोगों को 120 दिनों का निश्चित रोजगार प्रदान किया जाएगा। अगर आवश्यक हुआ तो इसके लिए इन लोगों के कौशल उन्नयन के लिए प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा ताकि वे राज्य के भीतर रोजगार व स्वरोजगार के अवसर प्राप्त कर सकें। उन्होेंने कहा कि बाहरी राज्यों से वापिस आए लोगों के घर उचित प्रकार से चिन्हित किए जाने चाहिए ताकि उस मोहल्ले के लोग इस बारे में जागरूक हो सकें। उन्होंने कहा कि शहरी स्थानीय निकायों के प्रतिनिधियों को यह सुनिश्चित बनाना होगा कि ऐसे लोग होम क्वारंटीन का उल्लघंन न करें। उन्हें ऐसे लोगों के परिजनों को भी शारीरिक दूरी का पालन करने के लिए प्रेरित करना चाहिए। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश में प्रवेश करने वाले लोगों को आरोग्य सेतु ऐप डाउनलोड करने के लिए प्रेरित करने के साथ-साथ शारीरिक दूरी के महत्व के बारे में सूचना, शिक्षा और संचार सामग्री भी उपलब्ध करवानी चाहिए। शहरी विकास विभाग के निदेशक राम कुमार गौतम ने विभाग की गतिविधियों के बारे में जानकारी प्रदान की। शहरी विकास विभाग के सचिव रजनीश सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी बैठक में उपस्थित थे। इस अवसर पर शिमला नगर निगम की महापौर सत्या कौंडल, उप महापौर शैलेंद्र चैहान, नगर निगम धर्मशाला के महापौर देवेन्द्र जग्गी, विभिन्न नगर परिषदों एवं नगर पंचायतों के अध्यक्ष भी उपस्थित थे।
दिसंबर 2017 में प्रदेश में भाजपा सरकार बनने पर परिवहन निगम के सेवानिवृत्त कर्मचारियों में उम्मीद जागी थी कि अब उनको पेंडिंग वित्तीय लाभों पर नई सरकार सकारात्मक सोच के साथ विचार करेगी, परंतु ढाई साल बीत जाने के बाद में स्थिति जैसी की तैसी है। परिवहन निगम की पूर्व कर्मियों को जुलाई 2015 से जून 2018 के मध्य काल का 27 फ़ीसदी महंगाई भत्ते का बकाया आज दिन तक पेंडिंग है। विभाग चुप्पी साधे हुए हैं, यहां तक कि गत 1 वर्ष में जितने भी कर्मी सेवानिवृत्त हुए हैं उन्हें एक फूटी कौड़ी तक नसीब नहीं हुई है। ऐसे में परिवहन निगम के सेवानिवृत्त कर्मचारियों का जीना दुश्वार हो चुका है। यह बात परिवहन पेंशनर कल्याण संगठन के जिला महासचिव रघुवीर सिंह ने कही है। उन्होंने आगे बताया कि निगम के पेंशनर्स को पेंशन की धनराशि हर माह सरकार से मिलती है, परंतु यहां भी निगम के लेखाधिकारी उक्त धन अन्य मदों पर खर्च करके पेंशनरों की बुढ़ापे में अनावश्यक आर्थिक प्रताड़ना करते हैं। इसी कड़ी में मई माह 2020 की पेंशन भी विभाग ने जारी नहीं की है जिससे पेंशनर्स में भारी रोष है। रघुवीर सिंह ने परिवहन निगम के प्रबंधक निदेशक से मांग की है कि सेवानिवृत्त कर्मचारियों की मई की पेंशन व अन्य वित्तीय लाभ तुरंत जारी किए जाएं।
प्रदेश का राजनीतिक इतिहास गवाह बना है कि जब-जब बीजेपी सरकार सत्ता में आई है, तब-तब प्रदेश की सियासत से जनता का विश्वास निरंतर उठा है। मामला अढ़ाई साल तक चली शांता सरकार का हो या 1998 में सुखराम की बैसाखियों का सहारा लेकर बनी गठबंधन की सरकार का हो, बीजेपी न संगी-सहयोगियों की आकांक्षाओं पर खरी उतर पाई है, न ही जनभावनाओं पर खरी उतरी है। 1998 की गठबंधन सरकार में बीजेपी के 8 विधायक अपनी ही सरकार के खिलाफ 52 दिन धरने पर बैठे रहे व 2007 का कार्यकाल अपना दामन भरने व अपनों को खुड्डेलाइन लगाने में बीता। इस तरह जब-जब प्रदेश में बीजेपी सरकार बनी है, तब-तब भ्रष्टाचार बढ़ा है, प्रदेश का विकास रुका है। अफसरशाही बेलगाम रही है। इस तरह बीजेपी सरकारों का सारा कार्यकाल आपसी धीगांंमुश्ती में खराब हुआ है। यब बात प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष एवं विधायक राजेंद्र राणा ने सरकार पर हमलावर होते हुए यहां जारी प्रेस बयान में कही है। राणा ने कहा कि प्रदेश के ताजा सियासी घटनाक्रम की अगर बात करें तो केंद्र द्वारा पूरी तरह नियंत्रित बीजेपी सरकार लैटर बॉक्स साबित हो कर रह गई है। जिसका काम ऊपर की चिट्ठी नीचे और नीचे की चिट्ठी ऊपर पहुंचाना भर रह गया है। बेलगाम भ्रष्टाचार के बीच अब प्रचंड बहुमत से जीती बीजेपी सरकार में सरकार और संगठन आमने-सामने हैं। संगठन की सूनें तो भ्रष्टाचार के आरोप सरकार के मंत्री, विधायकों पर लग रहे हैं और मंत्री, विधायकों की मानें तो वह प्रत्यक्ष और परोक्ष में निरंतर चले आ रहे बेखौफ भ्रष्टाचार के लिए संगठन को जिम्मेदार मानते हैं। ऐसे में सरकार और संगठन अपने-अपने जुगाड़ में एक दूसरे के रडार पर हैं। प्रदेश में विकास कार्य पूरी तरह ठप्प पड़े हैं। केंद्र द्वारा नियंत्रित व बेबस प्रदेश सरकार को 2-4 अफसरशाही की जुंडली मनमर्जी से हांक रही है। वैश्विक महामारी के दौर में निरंतर एक के बाद एक भ्रष्टाचार के खुलासों ने प्रदेश की सियासी छवि को दागदार व शर्मसार किया है। राणा ने कहा कि अब बीजेपी के अपने ही विधायक धवाला के आक्रोश की ज्वाला की धधक सरकार व संगठन को तपाए हुए है। अपने ही असंतुष्टों व रुष्टों की जमात ने बीजेपी सरकार को निशाने पर रखा हुआ है। जबकि पक्ष और विपक्ष की आपसी गपशप में विपक्ष से ज्यादा पक्ष के लोग सरकार को नाकाम बता रहे हैं। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का सारा ध्यान आपसी बगावत को रोकने व कुर्सी को बचाने में लगा है। क्योंकि अब प्रचंड बहुमत से जीती सरकार की कुर्सी को गैरों की बजाय अपनों से खतरा निरंतर बढ़ रहा है। राणा ने कहा कि ऐसे में मुख्यमंत्री की एक टांग संगठन के पाले में है, जबकि दूसरी टांग सरकार को संभाले है। सरकार और संगठन के हर छोटे-बड़े फैसले का दारोमदार केंद्र के पास सुरक्षित है। ऐसे में जहां प्रदेश की जनता सरकार से पूरी तरह हताश-निराश हो चुकी है, वहीं सरकार कोई फैसला न ले पाने की स्थिति में खुद को लाचार व बेबस मान रही है। उन्होंने कहा कि जानकार बताते हैं कि जब-जब बीजेपी सत्तासीन हुई है, तब-तब प्रदेश विकास में दशकों पीछे चल गया है, जो कि दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति है।
जिला सिरमौर में कोरोना योद्वाओं की शारीरिक रोग-प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए आयुर्वेद विभाग होम्योपैथिक एम्यूनिटी बूस्टर दवा आसेनिकम एल्बम 30 वितरित करेगा। इस अभियान की शुरुआत करते हुए उपायुक्त सिरमौर डॉ आर के परूथी ने बताया कि यह दवा जिला सिरमौर में कार्यरत कोरोना योद्वाओं जैसे सफाई कर्मचारी, पुलिस विभाग, मेडिकल स्टाफ इत्यादि को वितरित की जाएगी इसके अतिरिक्त आम लोगों के लिए यह दवा आयुर्वेदिक अस्पतालय की ओपीडी में उपलब्ध होगी। उन्होंने बताया कि कोविड-19 जैसे संक्रमणों से लडने के लिए शारीरिक रोग-प्रतिरोधक क्षमता की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। हम अपने शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाकर इस संक्रमण से अपने जीवन को बचा सकते है। डॉ० परूथी ने बताया कि यह दवा कोविड-19 संक्रमण का ईलाज नहीं है। यह केवल शरीर में शारीरिक रोग-प्रतिरोधक क्षमता को बढाती है इसलिए कोविड-19 संक्रमण से बचने के लिए अन्य सावधानियों जैसे सामाजिक दूरी बनाएं रखना, बार-बार हाथ धोना व मास्क पहनना भी अत्यन्त आवश्यक है। इस अवसर पर जिला आयुर्वेदिक अधिकारी राजेन्द्र देव शर्मा ने बताया कि इस दवा की 6 गोलियां सुबह खालीपेट एक बार तीन दिन तक वयस्कों के लिए, 3 गोलियां सुबह खालीपेट एक बार तीन दिन तक 4 वर्ष से कम आयु के बच्चों के लिए दी जा सकती है। इसके अतिरिक्त एक महीने के बाद चिकित्सक केे परामर्श कर इसे दोबारा ले सकते है। यह दवा अन्य किसी भी दवा के साथ ली जा सकती है, यह बच्चों, गर्भवती महिलाओं एवं दूध पिलानेवाली माताओं के लिए भी सुरक्षित है। इस दवा के कोई साईड इफेक्ट नहीं है। इस अवसर पर वरिष्ठ होम्योपैथिक चिकित्सा अधिकारी डॉ0 राजकुमार शर्मा के अतिरिक्त अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
पंचायत दाड़लाघाट के गांव बागा में हो रही समस्या पीने के पानी का जायजा ग्राम पंचायत सुधार सभा के सदस्यों द्वारा लिया गया।महासचिव प्रेम केशव ने बताया कि यहां जायजा लेने के बाद पाया गया कि गांव में पीने के पानी की दिक्कत का कारण विद्युत बोर्ड के अनगिनत कट के कारण तथा इन कटों के बारे में आईपीएच विभाग को समय-समय पर अवगत कराने के बाद भी गांव की समस्या पर सुध नहीं ली जाती है। इस दिक्कत के बारे में विभाग के तकनीकी कर्मचारियों को भी अवगत कराया गया कि इस दिक्कत के कारण जो दाती योजना का पानी गांव में 50 वर्ष से आता रहा, उसे दुरस्त किया जाए, क्योंकि तकनीकी कर्मचारियों द्वारा कई बार ग्राम वासियों को कहा कि लाइन टूटी है, इसे ठीक करने के उपरांत ही सप्लाई को गांव में दिया जाएगा। इस निवारण हेतु कुनिहार समिति के पूर्व उपाध्यक्ष व बीड़ीसी सदस्य एवं ग्राम पंचायत सुधार सभा द्वारा भी विभाग को सप्लाई सुनिश्चित करने का आग्रह किया गया परंतु दिक्कत अभी भी जस की तस बनी हुई है। उन्होंने विभाग के अधिकारियों से आग्रह किया है गांव में पानी की हो रही समस्या को जल्द से जल्द ठीक किया जाए, जिससे स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। जब इस बारे जल शक्ति विभाग दाड़लाघाट के एसडीओ महेश से बात की गई तो उन्होंने बताया कि अम्बुजा क्षेत्र के गांव के लिए नवगांव लाइन से 5 करोड़ की नई स्कीम प्रस्तावित है। गांव में हो रही समस्या का निपटारा जल्द करके लोगों को पानी उपलब्ध करवा दिया जाएगा।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य, पूर्व मंत्री और श्री नयना देवी जी विधानसभा क्षेत्र से विधायक राम लाल ठाकुर ने कहा कोरोना काल में आई मंदी से मीडिया कर्मियों पर भी संकट के बादल छा गए है। उन्होंने कहा कि मीडिया संस्थानों, पत्रकारों व मीडिया कर्मियों को लेकर प्रदेश में सरकार में एक व्यापक योजना बननी चाहिए। ताकि मंदी के दौर में किसी भी मीडिया संस्थान, पत्रकार व मीडिया कर्मियों के ऊपर संकट नहीं आए। इस दिशा देश की सरकार और प्रदेश सरकार को कोई व्यापक योजना बनानी चाहिए ताकि इस मीडिया हाउसों पर आई मंदी जा तोड़ सामने आ सके। राम लाल ठाकुर ने मांग की कि सरकार इन छोटे और मझोले स्तर के मीडिया घरानों को फ़ौरन राहत पैकेज दे और यह भी सुनिश्चित करे कि जमीनी स्तर पर काम करने वाले पत्रकारों और मीडिया कर्मियों को इस राहत पैकेज का कितना लाभ प्राप्त हुआ है, अन्यथा लोकतंत्र का यह चौथा स्तम्भ भी खतरे आ जायेगा। राम लाल ठाकुर ने कहा यकायक जैसे ही कोविड 19 आया वैसे ही लोंगो ने अखबारों को छूना बंद कर दिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के कर्मियों का बाहर कवरेज के लिए निकलना भी बंद हो गया। अखबारों के वितरण में भारी गिरावट आ गई,अखबारों में पृष्ठ संख्या भी कम हो गई और विज्ञापन भी न के बराबर हो गया जिससे हमारे मीडिया बंधु भी इस कोरोना महामारी से आई मंदी से रोजगार छिनने का भय पैदा हो गया है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि मीडिया हमारे समाज मे सुदृढ़ संचारण व्यवस्था का रोल अदा करता आ रहा है। अगर मीडिया जगत में रोजगार को लेकर उदासीनता मंदी के कारण आती है तो हमारी समूची व्यवस्था का संचारण रुक जाएगा। उन्होंने कहा कि मीडिया दूसरों का दर्द दुनिया को बताने वाले खुद आज दर्द से जूझ रहा है। मीडिया को देश मे चौथा स्तंभ माना जाता है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि हमारी जानकारी के अनुसार देश के जाने माने मीडिया समूहों ने भी छंटनी करने की प्रक्रियाएं शुरू कर दी हैं। उन्होंने कहा कि देश मे कोई चार तरह का मीडिया सेगमेंट है, जिसमे वह पत्रकार व मीडिया कर्मी हैं मेट्रो सिटीज में काम करते हैं, कुछ सेमी मेट्रो सिटीज में काम करते है और कुछ हिमाचल प्रदेश जैसे राज्य के छोटे छोटे शहरों या जिला स्तर पर काम करते है और कुछ देश और प्रदेश के ग्रामीण स्तर पर काम करते है। इस कोविड 19 के काल मे कुछ मध्यम दर्जे के मीडिया घराने तो बंद हो चुके और कुछ तो तबाही के कगार पर खड़े हुए है। इसके अलावा हिमाचल प्रदेश में भी पत्रकारों और मीडिया कर्मियों की छंटनी की जा रही है। अब तो मीडिया कर्मियों को कहा जा रहा है कि लॉकडाउन के कारण कंपनी नुक़सान में है और इसलिए आपकी सेवाएं ख़त्म की जा रही हैं। आप दो महीने का वेतन लीजिए और इस्तीफ़ा दे दीजिए। इस मसले पर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के वशिष्ठ उपाध्यक्ष राहुल गांधी व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मनीष तिवारी ने भी अप्रैल में केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर को पत्र लिखकर मीडिया सेक्टर पर मँडरा रहे संकट का ज़िक्र किया था। राम लाल ठाकुर ने कहा कि मीडिया हमारे समाज का एक अहम हिस्सा है जो समाज की एक सही दिशा और आईने को दर्शाता है।
आपने नायक फिल्म में एक दिन के मुख्यमंत्री का किरदार देखा होगा, लेकिन वो रील लाइफ थी। कांगड़ा में ऐसा रियल लाइफ में हुआ है।एसडीएम कांगड़ा जतिन लाल ने दसवीं की परीक्षा में 94 फीसदी अंक हासिल करने वाली अपने ऑफिस के चपरासी की बेटी को एक दिन की एसडीएम बनाया है। 14 साल की हिना ठाकुर सुबह 11 बजे से एसडीएम कांगड़ा की कुर्सी पर बैठी हैं। एसडीएम जतिन लाल हिना के बगल में बैठे हैं। हिना सुबह से एसडीएम ऑफिस की बैठ एसडीएम के मार्गदर्शन में ले रही हैं। बाहर से आ रहे लोग अपनी समस्याएं एक दिन की एसडीएम हिना को बता रहे हैं। एक दिन की एसडीएम हिना ठाकुर का कहना है कि यह उनके लिए सपने की तरह है। वह इस सपने को साकार करेंगी। एसडीएम जतिन लाल सर ने मुझे सपना दिखाया है, उसे मैं पूरा करूंगी। मैं पहले डॉक्टर बनूंगी, उसके बाद आईएएस ऑफिसर। एसडीएम जतिन लाल ने बताया कि मुझे कल मेरे चपरासी ने बताया कि उसकी बेटी ने दसवीं में 94 फीसदी अंक लिए हैं। बेटी ने मेरिट में 34वा अंक हासिल किया है। मैंने बेटी को सम्मानित करने के लिए कार्यालय बुलवाया। बेटी ने कहा कि वो आईएएस अफसर बनना चाहती है। फिर मैंने सोचा कि बेटी को एक दिन की एसडीएम बनाया जाए। आज हिना ही एसडीएम है व पूरा कामकाज वही देख रही है। मैं बगल में बैठ कर उसे समझा रहा हूं। ऐसा करने का मेरा मकसद बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओ अभियान को बढ़ावा देना है ताकि देश की हर बेटी अपराजिता बने।
सरकार द्वारा अब आनलॉक 0.1 मे जनता को काफी हद तक कार्य करने के लिए छुट दे दी गई है, लेकिन फिर भी कोरोना वायरस के चलते देश की अर्थव्यवस्या वहुत बिगड़ गई है। ऐसे में मजदूर ओर गरीबो को खाने के लिए तरसना न पड़े इसको लेकर लोग लगातार सीएम राहत कोष मे अंशदान दे रहे है। वही इसमें महिलाए भी अपनी अहम भूमिका निभा रही है। इसी कड़ी में शुक्रवार को महिला मंडल चेखवा द्वारा CM राहत कोष मे 3000 रु की राशि एस डी एम करसोग के माध्यम से मुख्यमंत्री राहत कोष मे दी गई। वहीं महिला मंडल चेखवा की प्रधान संध्या देवी ने कहा कि अभी तक उपमडल करसोग के अनेको महिला मडलो ने कोरोना वायरस के चलते अपनी अहम भूमिका निभाई है तथा सभी महिला मंडलो ने अपना भरपूर सहयोग दिया है। ऐसे समय में जहां तक संभव हो जरूरतमंदों की मदद के लिए हमें आगे आना चाहिए। इसमे इनके साथ उपप्रघान विशन दास, प्रेमलता, मैनादेवी, रेनु, अरुणा व रम्भा भी उपस्थित रहे।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा सहकारिता मंत्री डाॅ. राजीव सैजल 13 तथा 14 जून, 2020 को सोलन जिला के कसौली विधानसभा क्षेत्र के प्रवास पर आ रहे हैं। डाॅ. सैजल 13 जून, 2020 को प्रातः 9.00 बजे कसौली विधानसभा क्षेत्र के धर्मपुर में धर्मपुर व इसके आसपास के क्षेत्रवासियों की जनसमस्याएं सुनेंगे। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री 14 जून, 2020 को धर्मपुर में दिन में 1.00 बजे कसौली विधानसभा क्षेत्र के लोगों की जनसमस्याएं सुनेंगे। इस दौरान सभी सोशल डिस्टेन्सिग नियम का पालन करते हुए मास्क पहनकर आना सुनिश्चित करेंगे।
बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगों के सम्बन्ध में केन्द्र सरकार द्वारा घोषित विभिन्न सकारात्मक एवं सुधारोन्मुखी उपायों का स्वागत किया है। एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय खुराना तथा महासचिव वाईएस गुलेरिया ने इस सम्बन्ध में जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से केन्द्र सरकार द्वारा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगों के लिए 20 प्रतिशत ऋण सीमा का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार की इस घोषणा के उपरान्त बैंक स्वयं उद्योगों तक पहुंच रहे हैं। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय द्वारा अपने क्षेत्रीय कार्यालयों के माध्यम से इस योजना को उद्योगों तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि इस ऋण के सम्बन्ध में बैंकों को निर्देश जारी करें कि वे उद्योगों के प्रति उदारवादी रवैया अपनाएं। उन्होंने कहा कि जहां एक तरफ भारतीय स्टेट बैंक जैसे बैंक आपातकाल ऋण सीमा गारंटी योजना के तहत 7.25 प्रतिशत से 7.50 प्रतिशत दर पर ऋण उपलब्ध करवा रहे हैं वहीं लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी), आईडीबीआई तथा यस बैंक जैसे बैंक 8.25 प्रतिशत से 9.20 प्रतिशत की दर पर ऋण प्रदान कर रहे हैं। संजय खुराना तथा वाईएस गुलेरिया ने उद्योगों को ऋण उपलब्ध करवाने की प्रणाली पर ध्यान देने एवं अनुश्रवण के लिए मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर तथा उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के इस प्रयास से उद्योग जगत को व्यापक राहत मिली है।
इंडियन रेडक्रॉस सोसायटी के जिला शाखा बिलासपुर के अध्यक्ष एवं उपायुक्त राजेश्वर गोयल ने जानकारी देते हुए बताया कि 8 मई को विश्व रैड क्रॉस दिवस के अवसर पर सभी सरकारी और गैर सरकारी स्कूलों में इस वर्ष के विषय “कीप क्लैप्पिंग फॉर वालंटियर्स” को लेकर जिला रैडक्रॉस सोसाइटी बिलासपुर द्वारा पेंटिंग प्रतियोगिता आयोजित करवाई गई थी जिसमें जूनियर वर्ग (कक्षा 1 से 8 तक) और सीनियर वर्ग (कक्षा 9 से 12तक) तक के विद्यार्थियों ने भाग लिया था। उन्होंने बताया कि उनमें से विभिन्न स्कूलों के 591 विद्यार्थियों ने भाग लिया था और अपनी पेंटिंग को व्हाटसप के माध्यम से उप -निदेशालय शिक्षा विभाग को भेजा था। उन्होंने बताया कि पेंटिंग का मूल्यांकन शिक्षा विभाग द्वारा गठित समिति ने पूरी पारदर्शिता के साथ किया जिसमें सीनियर वर्ग के कर्ण कौंडल, कक्षा 9वीं, रावमापा (बाल) ने प्रथम स्थान, रावमापा (कन्या) ग्यारहवीं कक्षा की सुहानी दूसरा स्थान, जोबर थापा, 10वीं रावमापा (बॉय) तृतीय स्थान और सुदीक्षा शर्मा डीएवी वरमाणा, जयन जसरोटिया 9 वीं कक्षा डीएवी बिलासपुर, दिव्यांश 10वीं डीएवी वरमाणा, खुशबु 10वीं, रावमापा(कन्या) पंजगाई, दिव्यं ठाकुर 10 वीं कक्षा डीएवी बिलासपुर, शीतल ठाकुर 12 वीं डीएवी वरमाणा, अर्नव जामवाल गलोरी पब्लिक स्कूल बिलासपुर क्रमशः दस स्थान तक चयन किया गया। जूनियर वर्ग में गौरी अवस्थी 4 कक्षा गलोरी पब्लिक स्कूल बिलासपुर प्रथम स्थान, शिव्यांश शर्मा, 8 वी कक्षा रामापा मैहरा दुसरा स्थान , सोम्या धीमान पांचवी कक्षा डीएमएच स्कूल बिलासपुर तीसरा स्थान, शिवन्या तीसरी कक्षा, तानिस्क शर्मा गलोरी पब्लिक स्कूल बिलासपुर, आराध्या शर्मा छठी कक्षा डीएवी बिलासपुर, नव्या शर्मा 6 कक्षा, अनु शर्मा रामापा मेहरा, अचेतन्य वर्मा 5 कक्षा गलोरी पब्लिक स्कूल बिलासपुर, आंचल 5 कक्षा राप्रपा भढयात क्रमश 10 स्थान तक रहे। उन्होंने बताया कि इसके अतिरिक्त राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला करलोटी की गंभीर बीमारी से पीड़ित छठी कक्षा की छात्रा रंगत धीमान को भी पुरस्कृत करने का निर्णय लिया गया। उन्होंने बताया कि दोनों वर्गों में प्रथम, दूसरा और तीसरा स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को क्रमशः रूपये 1100सौ, रूपये, 900सौ रूपये व 700 सौ रूपए तथा अन्य क्रमशः 10 स्थान पर रहने वाले प्रतिभागियों को 500 सौ रूपये की पुरस्कार राशि देकर पुरस्कृत किया जा रहा है।
सोलन जिला के अर्की तहसील में भी कोरोना वायरस ने दस्तक दे दी है। दाड़लाघाट सब तहसील की ग्राम पंचायत पारनु के ठेरा गांव का एक 22 वर्षीय युवक कोरोना पॉजिटिव पाया गया है। यह अर्की तहसील का पहला मामला पॉजिटिव पाया गया है। मिली जानकारी के अनुसार उसकी ट्रेवल हिस्ट्री गाजियाबाद है वह 5 जून को एक टैक्सी के माध्यम से हिमाचल प्रदेश आया था। उसके पास बाकायदा सोलन, डीएम -627821 नम्बर का ईपास मौजूद था। जानकारी के अनुसार वह ग्रीन जोन गाजियाबाद के वैशाली सेक्टर से आया था। उसके घर से ही मिली जानकारी के अनुसार उसके साथ दो व्यक्ति बतौर ड्राइवर और कंडेक्टर थे जो उसे घर छोड़कर वापस चले गए थे।इस व्यक्ति का कोरोना टेस्ट 10 जून को दाड़लाघाट ईएसआई में हुआ था। इसके साथ 10 और व्यक्तियों का टेस्ट भी लिया गया था जिनमें से इस युवक की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इस व्यक्ति के पॉजिटिव आने के कारण सारा गांव सकते में आ गया है। इस गांव में लगभग डेढ़ सौ की जनसंख्या है और इस गांव को प्रशासन द्वारा सील कर दिया गया है। रास्ते में वह न जाने किन किन लोगों के संपर्क में आया वह पेट्रोल पंप दाड़ला फिलिंग सेंटर पर भी गया, उसे भी सील कर दिया गया है। दाड़लाघाट ईएसआई जहां उसका टेस्ट हुआ उसको भी एहतियातन सैनिटाइज करने हेतु बंद कर दिया है। परिवार वालों के अनुसार उन्होंने वैसे तो उससे उचित दूरी बनाकर रखी है लेकिन शौचालय और बाथरूम सभी ने एक ही प्रयोग किया है जिससे परिवार वाले भी संदेह के घेरे में आ सकते हैं। उधर पंचायत प्रधान विद्या सागर शर्मा का कहना है कि इस गांव के वासी प्रत्यक्ष अप्रत्यक्ष रूप से इस परिवार से संपर्क में आए हैं। अतः इनके सबके टेस्ट होने बहुत जरूरी है। एसडीएम अर्की विकास शुक्ला ने बताया इस युवक को कांठा भेजा भेज दिया गया और गांव ठेरा को एहतियातन सील कर दिया गया है। गौर रहे कि अभी तक अर्की तहसील में कोरोना के एक व्यक्ति के पॉजिटिव आने से पूरे क्षेत्र में लोगो में का माहौल छा गया है। फिलहाल अभी तक यहां कोई भी मामला न होने के बाद भी लोग एहतियात बरत रहे थे, परन्तु सबंधित व्यक्ति दिल्ली गाजियाबाद से दाड़लाघाट के पारनु में कैसे पहुंच गया यह भी एक चर्चा का विषय लोगो मे चला हुआ है। लोगो का प्रदेश सरकार व प्रशासन से साफ नाराज़गी है कि जो भी व्यक्ति पॉजटिव आए या कोई भी जो बाहर से यहां आ रहे है, उन्हें घर मे क्वारंटाइन न करके सरकार द्वारा बनाए गए कोरोना सेंटर में ही इन्हें क्वारंटाइन करने की व्यवस्था करें ताकि यह बीमारी उनके घर परिवार व आस पड़ोस में न फेल सके। लोगो मे यह भी चर्चा चली रही कि उक्त व्यक्ति जब गाजियाबाद से अर्की पहुंच गया तो क्या परवाणू बेरियर पर इसे प्रशासनिक क्वारंटाइन क्यों नही किया गया न जाने इतने कितने व्यक्ति होंगे जिन्हें सरकार द्वारा सीधे घर भेज दिया गया है। लोगो ने प्रदेश सरकार व प्रशासन से मांग की है कि जो भी ऐसे व्यक्ति आते है उन्हें सरकारी संस्थागत क्वारंटाइन करके इस वायरस से बचाया जा सके।
पंजाब के पठानकोट में लश्कर के दो आंतकियों की गिरफ्तारी के बाद हिमाचल प्रदेश में पंजाब से सटी सीमाओं पर पहरा बढ़ाया गया है। कांगड़ा और चंबा की सीमा पर पुलिस की अतिरिक्त चौकसी बढ़ाई गई है। बता दें कि पुलिस ने फल और सब्जियों के ट्रक से दो आंतकियों को गिरफ्तार भी बरामद हुए हैं। ऐसे में पंजाब और जम्मू से सटे कांगड़ा और चंबा के बॉर्डर पर पुलिस ने तलाशी अभियान छेड़ा है। गिरफ्तारी के बाद अब अब कांगड़ा-चम्बा पुलिस अलर्ट हुई है। कॉम्बिंग ऑपरेशन के तहत सीमाओं को सील किया गया है। SP कांगड़ा विमुक्त रंजन ने इसकी पुष्टि की है। बता दें कि चम्बा में पहले भी आतंकी घटनाएं हुई हैं और दर्जनों लोग जान गवां चुके हैं साल 1998 में यहां 35 लोगों को एक साथ कतारों में खड़ा कर गोलियों से भून दिया गया था। इसके अलावा, किहार में 2 चरवाहों की निर्मम हत्या साल 1993 में की गई थी। इसको देखते हुए बाद में चम्बा में ITBP का बेस कैंप बनाया गया था और जिसे लंबे अरसे तक आतंकी घटना न होने के चलते अब हटा भी लिया गया है। फिलहाल, पुलिस आने जाने वाली गाड़ियों की चैंकिंग कर रही है और संदिग्धों पर नजर रखी जा रही है।
अर्की ब्लॉक कांग्रेस अर्की की नई कार्यकारिणी का गठन कुछ माह पूर्व नियुक्त किये गए ब्लॉक अध्यक्ष रूप सिंह ठाकुर की अध्यक्षता में किया गया है। रूप सिंह ठाकुर ने बताया कि कार्यकारिणी का गठन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर व पूर्व मुख्यमंत्री एवम अर्की विधायक वीरभद्र सिंह के दिशानिर्देशानुसार किया गया है। उन्होंने कहा कि कार्यकारिणी में 16 उपाध्यक्ष, 16 महासचिव, 23 सचिव, 1 कोषाध्यक्ष, 26 कार्यकारी सदस्यों कि नियुक्तिया तुरन्त प्रभाव से लागू की गई है। इसके अतिरिक्त पवन कौशल, राज कुमार राणा, मेहर सिंह वर्मा, सुनीता गर्ग, रणजीत सिंह पाल, रोशन लाल जगोता, गीता राम ठाकुर, किरपा राम, नीलम रघुवंशी, धरम पाल कश्यप, सुमन गुप्ता, राम स्वरूप शास्त्री, धनी राम तनवर, मोहन सिंह ठाकुर, टेक चंद साथी, दीप लाल चौहान को उपाध्यक्ष बनाया गया है। धर्म पल गर्ग, वेद ठाकुर, कमलेश शर्मा, रवीश कौशल, सूरत राम सीमा शर्मा, जगदीश सिंह, अनुज गुप्ता, संजय ठाकुर, श्याम लाल शांडिल, सरिता रानी, जीत राम ठाकुर, अमर ठाकुर,रंजना पंवर, राजेश ठाकुर, जीत राम ठाकुर को महा सचिव नियुक्त किया गया। विनोद ठाकुर, श्यामलाल शर्मा, देवेन्द्र ठाकुर, अमर ठाकुर, ईश्वर दास, जय सिंह कौशल, ललित मोहन ठाकुर, योग राज चौहान, ओम प्रकाश ठाकुर, बलदेव कौंडल, देवराज पाल, सुरेन्द्र पाठक, विनोद जोशी, रणजीत सिंह कमल कौंडल, गौरव ठाकुर, कृष्ण चंद ठाकुर, जय सिंह, दलवीर सिंह, जिया लाल वर्मा, परमानंद पंड्यार, तिलक राज शर्मा को सचिव नियुक्त किया गया है। ओम प्रकाश पाल को कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया, जबकि सतीश कश्यप, अमर चंद पाल, कांशी राम शर्मा, निर्मला देवी, सुशील ठाकुर, प्रकाश चंद करड्ड, संजय ठाकुर, प्यारे लाल, डी डी शर्मा, जोगिंद्र सिंह, सुरेन्द्र कुमार, राकेश ठाकुर, नरेश शर्मा, रूप लाल, प्रकाश चंद बोटी, सुरेश शर्मा, जय पाल योगी राज, प्रेम ठाकुर, मदन लाल गर्ग, अनंत राम ठाकुर, किशोर शर्मा, सुरेन्द्र जगोता, पी एन वर्मा, राम चंद ठाकुर,ओम प्रकाश, धर्म सिंह, आदि को कार्यकारिणी सदस्य नियुक्त किया गया है। भीम सिंह ठाकुर, चौहान कृष्णा को सोशल मीडिया इंचार्ज की जिम्मेवारी दी गई है, जबकि विनोद ठाकुर को प्रेस सचिव का कार्यभार सौंपा गया है।
प्रदेश सरकार ने सहारा योजना के अन्तर्गत गंभीर रोगों से पीड़ित रोगियों के परिवारों को दी जाने वाली वित्तीय सहायता दो हजार रुपये से बढ़ाकर तीन हजार रुपये प्रतिमाह की है। सरकार के इस निर्णय से प्रदेश के लगभग 6550 लोग लाभान्वित हो चुके हैं और अभी तक इस योजना के अन्तर्गत 3.45 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शिमला से डलहौजी भाजपा मण्डल की वर्चुअल जन संवाद रैली को सम्बोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी ने समूचे विश्व के समक्ष एक बड़ी चुनौती उत्पन्न की है, लेकिन अधिकांश विकसित देशों की तुलना में भारत की स्थिति बेहतर है। लगभग 142 करोड़ की जनसंख्या वाले विश्व के 15 सर्वाधिक विकसित देशों में 4.10 लाख लोगों की मृत्यु हुई है, जबकि भारत में कोविड-19 के कारण अभी तक लगभग 8200 लोगों ने अपनी जान गंवाई है। उन्होंने कहा कि इसका श्रेय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को जाता है, जिन्होंने इस महामारी के दृष्टिगत यथा समय और दूरदर्शी निर्णय लिए। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान-सम्मान निधि योजना के अन्तर्गत प्रदेश के लगभग 8.74 लाख किसानों के बैंक खातों में दो-दो हजार रुपये जमा किए गए हैं। इसी प्रकार, कोविड-19 के दृष्टिगत प्रधानमंत्री जन-धन योजना के अन्तर्गत अप्रैल, मई और जून माह के लिए लगभग 5.90 लाख पात्र महिलाओं के खातों में 500 रुपये प्रतिमाह जमा किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने हिमकेयर और आयुष्मान भारत योजना के अन्तर्गत कोरोना वायरस की जांच और उपचार का निर्णय भी लिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के लगभग 5.69 लाख पात्र लोगों को तीन महीने की अवधि की अग्रिम सामाजिक सुरक्षा पेंशन प्रदान की गई है ताकि इस महामारी के समय समाज के संवेदनशील वर्ग को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन के 44 हजार नए मामले भी स्वीकृत किए गए हैं। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार प्रयासरत है कि हिमाचल प्रदेश कोविड-19 के कारण आए आर्थिक संकट की स्थिति से शीघ्र ही बाहर आए। इसके लिए मंत्रिमण्डलीय उप-समिति और टास्क फोर्स का गठन किया गया है, जो प्रदेश की आर्थिकी को बहाल करने के लिए अपने सुझाव देंगे। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश भवन एवं सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड के अन्तर्गत पंजीकृत लगभग एक लाख श्रमिकों को 40 करोड़ रुपये व्यय कर मार्च व अप्रैल, 2020 माह के लिए दो-दो हजार रुपये दिए गए हैं।
हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा गो-सदनों तथा कऊ सैंचुरी में वित्तिय सहायता उपलब्ध करवाने बारे जिला के सभी गो सदन संचालकों के साथ उपायुक्त राजेश्वर गोयल की अध्यक्षता में आवश्यक बैठक आयोजित की गई। बैठक की अघ्यक्षता करते हुए उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा गो सदनों में 500 रूपए तथा कऊ सैंचुरी में 1500 रूपए तक प्रति पशु प्रतिमाह वित्तिय सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने बताया कि जिला में गो सदनों में बेहतरीन कार्य चल रहा है। उन्होंने बताया कि गो सदनों और कऊ सैंचुरी को और अधिक प्रभावी ढंग से चलाने के लिए और सहायता प्रदान करने के लिए योजना शुरू की गई है। उन्होंने बताया किइस योजना के तहत जो भी गो सदन गो सेवा आयोग के साथ पंजीकृत होंगे उन्हे यह सहायता प्रदान की जाएगी। इसके अतिरिक्त सोसाईटी एक्ट के तहत गोसदन और पंचायतों द्वारा अस्थाई तौर पर चलाए जा रहे पशु आश्रय स्थलों जों कि सम्बन्धित कमेटी के द्वारा अनुमोदित हों को भी सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने बताया कि गो सदनों के बेहतरीन संचालन के लिए उपायुक्त की अध्यक्षता में जिला स्तरीय तथा एसडीएम की अध्यक्षता में उपमंडल स्तरीय आसैर तहसीलदार की अघ्यक्षता में स्थानीय समितियां गठित की जाएंगी। उन्होंने समस्त एसडीएम को भी निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्ष़ेत्राधिकार के तहत आने वाले गो सदनों का समिति के सदस्यों सहित शीघ्र निरीक्षण करना सुनिश्चित करें तथा गो सदनों की समस्याओं के बारे में अवगत करवाएं। उन्होंने बताया कि गो सदनों में आने वाली समस्याओं को दूर करने के प्रयास किए जाएंगें। उन्होंने बताया कि प्राथमिकता के तौर पर पुलों पर घूम रहें पशुओं को आश्रय दिया जाएगा। उपनिदेशक पशु पालन डा अविनाश शर्मा ने बताया कि गो सदनों में जो भी पशु रखें जाएंगे उन्हें टैग लगाए जाएंगे और सभी गो सदनों में 16 जून तक पशुओं को मुंहखुर रोग निरोधक टीके भी लगाएं जाएंगे। बैठक में उचित सामाजिक दूरी का पालन किया गया। गो सदन बल्हसीणा, पडयालग, लैहड़ी बरेटा, चांदपुर, रघुनाथपुरा, कोठीपुरा, बिलासपुर बलगाड़, सोहणी देवी तथा सुनील प्रगति समाज भगेड़ के गो सदन संचालकों तथा बीडीओ सदर ने भाग लिया।
10 वीं की बोर्ड परीक्षा परिणाम में शहीद धर्मेंद्र राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय दुर्गापुर धारणी का परीक्षा परिणाम गत वर्षो की भांति इस वर्ष भी सराहनीय रहा है। स्कूल के प्रधानाचार्य श्री खेमचंद राघव जी ने जानकारी दी कि उनके विद्यालय में कुल 21 विद्यार्थियों ने मार्च 2020 में 10 वीं की बोर्ड परीक्षा दी जिसमें से 20 विद्यार्थी उत्तीर्ण हुए।इस प्रकार परीक्षा परिणाम 95.24% रहा। विद्यालय में सुमित ठाकुर प्रथम स्थान पर रहे जिसने 700 में से 612 अर्थात 87.43% अंक अर्जित किए। देवांशु तनवर 605 अंक अर्थात 86.43%अंको के साथ दूसरे स्थान पर रहे। तृतीय स्थान नीलाक्षी ने प्राप्त किया जिसने 700 में से 584 अर्थात 83.43% अंक अर्जित किए। इस सफलता पर प्रधानाचार्य व समस्त स्कूल स्टाफ रविंद्र कुमार शर्मा, प्रेम लाल ठाकुर, ईश्वर दत्त, प्रमोद कुमार, कमल चंद, रमेश चंद, निशा देवी, कुसुम लता, चंपा देवी ने बच्चों व उनके अभिभावकों को बहुत बधाई दी है। प्रधानाचार्य खेमचंद राघव जी ने अपनी अपनी पूरी टीम को भी इस सफलता पर बधाई दी है जिनके प्रयासों से यह संभव हुआ है।
पंजाब पुलिस ने गुरुवार को जम्मू एवं कश्मीर आधारित लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) के दो गुर्गों की गिरफ्तारी के साथ कश्मीर घाटी में हथियारों की तस्करी के एक बड़े प्रयास को विफल कर दिया। संदिग्ध आतंकवादियों से दो मैगजीन और 60 जिंदा कारतूस के साथ एक एके-47 राइफल और दस हैंड ग्रेनेड भी जब्त किए गए हैं। इनकी पहचान 26 साल के आमिर हुसैन वानी और 27 वर्षीय वसीम हसन वानी के रूप में हुई। पंजाब से घाटी तक स्वचालित (ऑटोमेटिक) हथियारों और हथगोले को पहुंचाने के काम में सक्रिय इन दोनों आतंकियों को पठानकोट पुलिस ने पकड़ा है। ये आतंकी अमृतसर-जम्मू राजमार्ग पर एक ट्रक से जा रहे थे, जिसे पुलिस ने रोक लिया। पुलिस महानिदेशक दिनकर गुप्ता ने कहा कि ट्रक की तलाशी से हथियारों और गोला-बारूद की बरामदगी हुई और आरोपियों ने प्रारंभिक जांच के दौरान यह खुलासा किया कि उन्हें पंजाब से इस हथियार की खेप को इश्फाक अहमद डार उर्फ बशीर अहमद खान ने इकट्ठा करने के लिए निर्देशित किया था, जो कि एक पूर्व कांस्टेबल है। वर्तमान में घाटी में लश्कर का एक सक्रिय आतंकवादी, डार 2017 में फरार हो गया था। गिरफ्त में आए आतंकियों ने आगे कहा कि उन्होंने आज (गुरुवार) सुबह अमृतसर की सब्जी मंडी के पास मकबूलपुरा-वल्लाह मार्ग पर पहले से ही निर्धारित किए गए स्थान पर दो अज्ञात व्यक्तियों से ये खेप एकत्र की थी। इसके बाद उन्होंने ट्रक में हथियारों की इस खेप को छुपाया, जिसे वे अमृतसर मंडी से सब्जियां और फल लादने के उद्देश्य से लाए थे। आमिर हुसैन वानी ने खुलासा किया है कि ट्रक में पंजाब की अपनी पिछली यात्राओं में उन्होंने अपने हैंडलर्स – इश्फाक अहमद डार और रमीज राजा के कहने पर हवाला के 20 लाख रुपये से अधिक की रकम इकट्ठा की थी। उन्होंने यह भी कहा कि अमृतसर की पिछली यात्राओं के दौरान, उन्होंने हिजबुल मुजाहिदीन और लश्कर के एक-एक आतंकियों को पंजाब से घाटी में प्रवेश कराया था। हालांकि ये दोनों आतंकी अब मर चुके हैं। उनकी पहचान आमिर ने हिजबुल मुजाहिदीन के सद्दाम अहमद पद्दार और लश्कर के जसीम अहमद शाह के रूप में की है। गुप्ता ने कहा कि यह गिरफ्तारी हालिया खुफिया सूचनाओं के बाद हुई है, जिसमें यह संकेत मिला था कि पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए सीमा पार से घुसपैठ करने के साथ ही हथियारों की खेप को कश्मीर घाटी में पहुंचाने की फिराक में है।


















































