वीरवार को जोगिंदर केंद्रीय सहकारी बैंक के निदेशक मंडल की बैठक अधोहस्ताक्षरी के अध्यक्षता में जिला उपायुक्त कार्यालय सोलन के मीटिंग हॉल में प्रातः 11:00 बजे आरंभ हुई जिसमें कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा पश्चात सर्वसम्मति से निर्णय लिए गए जिनमें प्रमुख मुद्दे ने निम्न प्रकार से हैं : सर्वप्रथम बैंक के 5 निर्वाचित निदेशकों के त्याग पत्रों को, जो कुछ दिनों पूर्व बैंक मुख्यालय में प्राप्त हुए थे को संपूर्ण विचार-विमर्श पश्चात स्वीकार किया गया और सरकारी नामजद निदेशक विनोद ठाकुर व पंजीयक सहकारी सभा द्वारा नामजद निदेशक सुरेंद्र स्याल के त्यागपत्र प्रार्थना पत्रों को आगामी कार्यवाही हेतु संबंधित सक्षम कार्यालयों को भेजने का निर्णय हुआ। बैंक मुख्यालय भवन के निर्माण का मामला जो गत काफी समय से लंबित था, उसे हिमुडा से निर्माण करवाने हेतु प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान करने का निर्णय हुआ जो कि लगभग मु० 3.93 करोड़ की लागत से न्यू कथेड़ नजदीक एचआरटीसी वर्कशॉप निर्मित होगा। निदेशक मंडल द्वारा हिमाचल प्रदेश राज्य सहकारी बैंक की तर्ज पर बैंक के कर्मचारियों को 4-9-14 स्कीम के लाभ देने का सैद्धांतिक निर्णय लिया गया। निदेशक मंडल द्वारा जयनगर में बैंक शाखा तथा कुफ्टू व बसाल में विस्तार पटल यथाशीघ्र खोलने का निर्णय हुआ जिसकी स्वीकृति हाल ही में पंजीयक सहकारी सभा से प्राप्त हुई है। वर्तमान में निदेशक मंडल के कार्यालय 15-9-2020 को समाप्त होने जा रहे हैं। अतः इसलिए आगामी चुनाव प्रक्रिया आरंभ करने की पूर्व अनुमति समक्ष विभाग से यथाशीघ्र लेने का निर्णय निदेशक मंडल द्वारा लिया गया है जो नियम अनुसार कार्यालय अवधि समाप्त होने से 90 दिन पूर्व शुरू की जानी अपेक्षित होती है।
शिक्षा, विधि एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश भारद्वाज ने बचत भवन सभागार में मानसून के दौरान तैयारियों का जायजा संबंधित बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने बताया कि मौसम विभाग के अनुसार इस वर्ष जुलाई महीने में अधिक वर्षा होने की संभावना है, जिसके लिए समय रहते तैयारियां करने की आवश्यकता है। उन्होंने सभी विभागों को आपस में समन्वय स्थापित करने का आग्रह किया ताकि स्थिति से बेहतर तरीके से निपटा जा सके। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को मशीनरी तथा श्रमिकों की उपलब्धता के लिए निर्देश दिए ताकि यातायात को सुचारू रूप से चलाया जा सके। साथ ही नगर निगम को शिमला शहर में सफाई व्यवस्था बनाए रखने के भी आदेश दिए। उन्होंने विद्युत विभाग एवं वन विभाग को खतरनाक पेड़ों को काटने संबंधी संयुक्त निरीक्षण करने के आदेश दिए। उन्होंने विभिन्न विभागों को अचानक आई बाढ़, आसमानी बिजली गिरने और सांप काटने की स्थिति में क्या करना और क्या नहीं करना चाहिए के बारे में लोगों को जागरूक करने को कहा। उन्होंने बताया कि डैम के नजदीक लोगों को पानी छोड़ने पर सायरन बजाने की उचित व्यवस्थता की जाएगी। उन्होंने बिजली विभाग को ढीली तारों की मुरम्मत करने और बिजली संबंधित शिकायतों का निपटारा करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने आगामी मानसून के मद्देनजर विभिन्न विभागों को पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए ताकि किसी भी प्रकार की जान-माल के नुकसान से बचा जा सके। बैठक में सांसद सुरेश कश्यप, विधायक बलवीर वर्मा, एपीएमसी के अध्यक्ष नरेश शर्मा, उपायुक्त शिमला अमित कश्यप, अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी (कानून एवं व्यवस्था) प्रभा राजीव, अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी (प्रोटोकाॅल) संदीप नेगी, प्रबंध निदेशक एच.पी.एम.सी. देवा श्वेता बनिक, प्रबंध निदेशक हिमफैड के.के. शर्मा, जिला के सभी उपमण्डलाधिकारी एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
स्वस्थ मानकों को सर्वोपरि रखते हुए कोविड संक्रमण महामारी के दौरान हमें अपनी आर्थिक गतिविधियों को जारी रखना है। उपायुक्त शिमला अमित कश्यप ने होटल, ढाबा तथा होम स्टे व रैस्टोरेंट यूनियन के प्रतिनिधियों से बाचतीच करते हुए यह विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि पर्यटन विभाग द्वारा जारी मानक संचालन प्रक्रिया का गंभीरता से पालन करना सुनिश्चित करें। उन्होंने ढाबा, रैस्टोरेंट व हलवाई यूनियन के प्रतिनिधियों को अपने प्रतिष्ठानों के परिसरों की निरंतर सैनेटाईजेशन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि होटल, रैस्टोरेंट व ढाबों में परस्पर सामाजिक दूरी, साबुन से हाथ धोने, कर्मचारियों व प्रबंधकों द्वारा दस्ताने, फेस मास्क आदि का प्रयोग करने सम्बन्धित आवश्यकताओं को अपनाने को कहा। उन्होंने ढाबा, हलवाई तथा रैस्टोरेंट के बाहर ग्राहकों के बैठने की व्यवस्था के संबंध में सूची लगाने के निर्देश दिए, जिसके तहत 60 प्रतिशत ग्राहक बैठना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि सोडियम हाईड्रोक्लोराईड का प्रयोग कर हम प्रतिष्ठान परिसर को सैनेटाईज करना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि पर्यटन विभाग द्वारा जारी हिदायतों के प्रति यदि किसी प्रकार का संशय है तो इस संदर्भ में चर्चा की जा सकती है। उन्होंने प्रबंधकों से इस संबंध में प्रत्येक स्तर की तैयारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि करोना संक्रमण की चुनौतियों से निपटने के लिए हमें अपने जीवन शैली में बदलाव लाने की आवश्यकता है, जिसके लिए हमें सजग व सर्तक रहना होगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश व जिला में पर्यटन उद्योग आर्थिकी सुदृढ़ीकरण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। कोविड काल में इसकी निरंतरता को बनाए रखने के लिए हमें होटलों व प्रतिष्ठानों में कुछ परिर्वतन भी करने पड़ सकते हैं, जोकि सभी के हित में होंगे। बैठक में अतिरिक्त जिला दंण्डाधिकारी (कानून एवं व्यवस्था) प्रभा राजीव, जिला पर्यटन विकास अधिकारी जी.एस. काल्टा, सहायक जिला पर्यटन विकास अधिकारी कंचन बेदी, दिनेश गुलेरिया, टूरिजम इंडस्ट्री स्टेक होल्डर ऐसोसिएशन के अध्यक्ष व राज्य संयोजक आल हिमाचल ऐसोसिएशन आफ हास्पेटैलिटी एण्ड टूरिजम फैडरेशन महेन्द्र सेठ, शिमला होटल एवं रैस्टोरेंट के अध्यक्ष संजय सूद एवं ढाबा, हलवाई, बीएण्डबी व्यवसाय संघों के पदाधिकारी व सदस्य उपस्थित थे।
कोविड-19 के खतरे के दृष्टिगत समाज के विभिन्न वर्ग यह प्रयास कर रहे हैं कि पीड़ित मानवता को सम्बल प्रदान किया जाए ताकि लोगों को समय पर सहायता प्राप्त हो सकें। इसी कड़ी में स्वर्ण एजुकेशनल एण्ड वेलफेयर ट्रस्ट (सेवा) द्वारा संचालित किए जा रहे डे केयर सेंटर खुशी की सदस्यों ने क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में कार्यरत कोरोना योेद्धाओं के लिए खाद्य पदार्थों के 110 पैकेट भिजवाए। यह जानकरी खुशी की वरिष्ठ सदस्य तृप्ता चैधरी ने दी। तृप्ता चैधरी ने कहा कि कोरोना महामारी के इस समय में खुशी डे केयर सेंटर यह प्रयास कर रहा है कि उन कोरोना योद्धाओं का किसी न किसी रूप में सम्मान एवं सहयोग किया जाए जो अपनी और अपने परिजनों से दूर रहकर भी कोविड-19 के विरूद्ध में लड़ाई में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। इसी ध्येय के साथ खुशी डे केयर सेंटर की सभी बुजुर्ग महिलाओं ने क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में कार्यरत चिकित्सकों, नर्सों एवं पैरामेडिकल कर्मियों के लिए खाद्य पदार्थ के 110 पैकेट भिजवाए। उन्होंने कहा कि बुजुर्ग महिलाओं द्वारा कोरोना योद्धाओं के सम्मान में यह कार्य किया गया है। इससे पूर्व भी खुशी डे केयर सेंटर की महिलाओं ने उपायुक्त सोलन केसी चमन को जिला कोविड-19 फण्ड के लिए 16 हजार रुपये का चैक भेंट किया था। डे केयर सेंटर खुशी ऐसा पहला केंद्र है जो पूर्ण रूप से बुजुर्ग महिलाओं को समर्पित है। गत 05 वर्षों में इस केंद्र से सोलन की अनेक बुजुर्ग महिलाएं किसी न किसी रूप में जुड़ी रही हैं और यह केंद्र वरिष्ठ महिलाओं की समस्याओं को सुलझाने का मंच बनकर भी उभरा है।
भारतीय जनता पार्टी श्री नयनादेवी जी (अप्पर) मंडल के अध्यक्ष लेखराम ठाकुर ने मण्डल कार्यकारिणी की घोषणा कर दी जिसमे नम्होल से प्रधान रणजीत सिंह ठाकुर, कल्लर से प्रधान सोमा देवी, कोठीपुरा के प्रधान नन्द लाल ठाकुर तथा रानीकोटला के उप प्रधान राजकुमार ठाकुर को उपाध्यक्ष मनोनीत किया है। उन्होने रूपलाल भटटी जुखाला, तथा प्रकाश ठाकुर छडोल को महामन्त्री नियुक्त किया है। सिकरोहा से कुलदीप ठाकुर, सायर डोभा से चम्पा कुमारी, सोहरा ब्युंस से बाबू राम, पंचायत घ्याल से रतन ठाकुर काटल, और कोलथी से निशा कुमारी को सचिव बनाया है। कचौली से मीरा देवी को कोष अध्यक्ष, कोटला से शैलेन्द्र भडोल को प्रवक्ता तथा स्योहला से नरेश कुमार शर्मा को मीडिया प्रभारी नियुक्त किया है। इसके अतिरिक्त ग्राम केन्द्र रानीकोटला से रामपाल ठाकुर करोट, ग्राम केन्द्र खारसी से किशोरी लाल खारसी कनैतां, ग्राम केन्द सुईं सुरहाड से चन्द्रशेखर भण्डोखर, ग्राम केन्द्र छकोह से हीरा लाल मोती, ग्राम केन्द्र सिकरोहा से जगदीश ठाकुर, चन्दपुर, ग्राम केन्द्र नम्होल से चुनी लाल ठाकुर दगसेच, ग्राम केन्द्र घ्याल से जगदीश वैद, ग्राम केन्द्र कोटला से नीलू फाडिया, ग्राम केन्द्र जुखाला से सुच्चा सिंह ठाकुर, ग्राम केन्द्र दयोथ से श्याम लाल शर्मा, भजूण, ग्राम केन्द्र कोठीपुरा से नरेन्द्र ठाकुर, चंगर पलासणी, ग्राम केन्द्र चिल्ला से राजू राम (पलाह),ग्राम केन्द्र छडोल से कपिल ठाकुर सौटी को ग्राम केन्द्र प्रमुख मनोनीत किया। उक्त सभी ग्राम केन्द्र प्रमुख मण्डल कार्यकारिणी के स्थाई सदस्य होंगे। अन्य मण्डल कार्यकारिणी सदस्यों की घोषणा बाद में की जाएगी।
हमीरपुर मेडिकल कॉलेज में कोरोना समेत सभी वायरस के टेस्ट की आरटी-पीसीआर (रिवर्स ट्रांसक्रिपटेस-पालिमरेज चेन रिएक्शन) मशीन आखिर स्थापित हो गई है। इसका श्रेय नादौन के विधायक व पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष ठाकुर सुखविंद्र सिंह सूक्खू को जाता है। उन्होंने 5 अप्रैल 2020 को मशीन खरीदने के लिए मेडिकल कॉलेज प्रशासन को विधायक निधि से 35 लाख रुपये दिए थे। उनकी घोषणा के बाद मशीन की खरीद रुकवाने के लिए उनके विरोधियों ने खूब जोर लगाया। जारी राशि को रोकने का दबाव भी पड़ा, लेकिन सुखविंद्र सिंह सूक्खू डटे रहे। उन्होंने सीएम जयराम ठाकुर व स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव आरडी धीमान से मुलाकात कर मशीन खरीदने का अनुरोध किया। इसके बाद डीसी हमीरपुर ने 35 लाख रुपये कॉलेज प्रशासन को मशीन खरीद के लिए सूक्खू की विधायक निधि से जारी किए। सुखविंद्र सिंह सूक्खू ने बताया कि अभी हमीरपुर मेडिकल कॉलेज में कोरोना व अन्य फ्लू का टेस्ट नहीं होता था। इसके लिए यह टेस्ट मशीन जरूरी थी। हमीरपुर के साथ ही आसपास के क्षेत्रों के लोगों को कोरोना या अन्य वायरस के टेस्ट कराने के लिए अब दूरदराज नहीं जाना होगा, न ही निजी लैब में मोटी रकम चुकानी होगी। आरटी-पीसीआर टेस्ट से बहुत कम समय में यह पता चल जाता है कि संदिग्ध व्यक्ति कोविड-19 व अन्य वायरस से संक्रमित है या नहीं। इस मशीन से स्वाइन फ्लू, बर्ड फ्लू, इन्फ्लूएंजा इत्यादि वायरस के भी टेस्ट होंगे। विधायक व पूर्व सीपीएस इंद्रदत्त लखनपाल, पूर्व विधायक कुलदीप पठानिया, प्रदेश कांग्रेस महासचिव सुनील शर्मा, जिला अध्यक्ष राजेंद्र जार, सुरेश कुमार, मदन कौंडल, नरेश ठाकुर, कैप्टन पृथ्वी चंद, कैप्टन प्रेम चंद व जिला परिषद स्वर्णलता पराशर ने सुखविंद्र सिंह सूक्खू का आरटी-पीसीआर मशीन स्थापित करवाने के लिए धन्यवाद किया है। उन्होंने कहा कि विधायक सुखविंद्र सूक्खू की मेहनत रंग लाई है। अब लोगों को कोरोना या अन्य फ्लू की जांच के लिए इधर-उधर नहीं भटकना पड़ेगा।
All the members of the Tourism Industry Stake Holders Association have decided to open their Hotels and restaurants in Shimla by mid of September. The SOP has been issued by the Government which was circulated to all the members. All the members have gone through it and all the members have decided to make all the arrangements required under SOP to be complied before opening the hotels. The training of staff will be organized from next week. The existing staff in the hotels will be trained in the first phase. The tips to take precautions required to be taken by the staff while serving and housekeeping will be a part of the training. Secondly, the decision to keep hotels and restaurants closed for the time being is taken because as per the medical experts the COVID 19 cases will go at its peak during July and August. Keeping in view the off seasonal months ahead we have decided to prepare our establishments and staff for the opening of our units post COVID. Keeping in view the Opinion of the medical experts we have decided to open the tourism units only after August in the larger interest of the general public. However, it has been decided that the hotels situated near hospitals or the hotels that have occupancy dependent on local Himachalis may open their units on the internet of the general public. Today the meeting was held under the chairmanship of Deputy Commissioner wherein we have given him the view of our association. On Wednesday, the zoom meeting of the federation of all Himachal Associations was held wherein associations of Manali, Dharamshala, Chamunda, Kasauli, Shimla, Kinnaur, etc participated in the meeting. All the associations were having the same opinion as mentioned above and it was decided that we should try to open Himachal for tourism by mid of September.
प्रदेश सरकार में मुख्य सचेतक नरेन्द्र बरागटा जुब्बल कोटखाई के हिमरी गाँव में अग्निकांड से प्रभावित परिवार से मिले। बरागटा ने इस परिवार को हर संभव सहायता करने की बात कही। उन्होंने अग्निकांड से पीड़ित परिवार को सहानुभूति के तौर पर 1 लाख रुपये की राहत राशि भी प्रदान की। गौरतलब है कि पिछले कुछ दिनों पहले यहां पर 3 मंजिला मकान आग की भेंट चढ़ गया था जिसमें लाखों का नुकसान हुआ था। यह नुकसान पूरा तो नहीं हो सकता है लेकिन फिर भी सरकार के नुमाइंदे अपनी ओर से इस परिवार की हर संभव मदद करने का प्रयास कर रहे है। इस क्षेत्र के लोग भी सहानुभूति के तौर पीड़ित परिवार की मदद करने में जुटे है ताकि ये परिवार सदमे से उबर कर जिंदगी का अगला पड़ाव की शुरुआत करें।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य, पूर्व उधोग मन्त्री व विधायक श्री नयना देवी जी विधानसभा क्षेत्र राम लाल ठाकुर ने केन्द्र सरकार का मुद्रा योजना का कच्चा चिट्ठा खोल के रख दिया है। उन्होंने कहा कि यह मुद्रा योजना मात्र युवाओं को ठगने भर का विकल्प है और बेरोजगार लोंगो को मुंगेरी लाल के हसीन सपने दिखाने जैसा है। राम लाल ठाकुर ने प्रदेश सरकार को भी मुद्रा लोन योजना पर अपनी स्थिति स्प्ष्ट करने को कहा है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि अगर हम मुद्रा योजना के आकड़ो व तथ्यों का अध्धयन करें तो यह योजना सिर्फ युवाओं को ठगने और देश मे एक बड़े वित्तिय घोटाले की ओर इशारा करती है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि एक तरफ सरकार बैंकों की हालात सुधारने के लिए डूब चुके कर्ज की वसूली में लगी है तो दूसरी तरफ सरकार की मुद्रा योजना के तहत दिए गए लोन में से अब तक करीब 18 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का एनपीए हो चुका है। इतना ही नहीं जिन्हें लोन मिला है उनमें से मुश्किल से 1 फीसदी लोगों को 5 लाख रुपये से ज्यादा दिए गए। राम लाल ठाकुर ने कहा कि खुद के पैरों पर खड़ा होने के मकसद से मोदी सरकार ने करीब 5 साल पहले सरकार ने मुद्रा योजना की शुरुआत की थी जिसके तहत 10 हजार रु से लेकर 10 लाख रु तक के लोन दिए जाने थे। ये लोन दिए भी गए, लेकिन इस लोन में से अब तक 18 हजार करोड़ रु से अधिक का एनपीए हो चुका है। यानी इस लोन के वापस चुकाने की संभावना नहीं है। तो यब बहुत बड़ी वित्तिय गड़बड़ी सामने आ रही है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि हालांकि वित्त मंत्रालय इस 18 हजार करोड़ रु के एनपीए को लेकर खुद को असहज नहीं बता रहा है। उन्होंने प्रश्न खड़ा किया तो क्यों नही देश किसानों के लोन भी माफ किए जाते है वह भी तो रोजगार ही चलाते है। तो क्यों एक लूट जो बड़े प्रबंधकीय तरीके से की जा उसकी छानबीन नहीं कि जा रही है।यह सिर्फ बेरोजगारी के आकड़ो को झुठलाने के लिए ही किया जा रहा है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि 8 अप्रैल 2015 को इस मुद्रा योजना को लॉन्च करने के बाद 7 लाख 34 हजार करोड़ रु के करीब का लोन अब तक दिया जा चुका है। अब तक इसमें से 2.5 फीसदी से ज्यादा लोन एनपीए हो चुका है, यानी कुल 18 हजार करोड़ के करीब रु का लोन एनपीए हो गया है। इसका मतलब ये हुआ कि अब इस रकम की वसूली की संभावना नहीं है। लेकिन इसका दूरगामी परिणाम अब यह हो चुका है कि बैंक अब मुद्रा लोन देने में युवाओं को आनाकानी करने लगेंगे। तो अब तो इस योजना की बुनियाद ही डगमगा चुकी है। राम लाल ठाकुर ने इस योजना के अन्य आंकड़े खोलते हुए कहा कि मामला सिर्फ एनपीए का नहीं है। मुद्रा लोन को लेकर जो दावे किए जा रहे हैं उसका एक कड़वा सच भी है। मुद्रा योजना के तहत अब तक 14 करोड़ 88 लाख लोगों से ज्यादा को लोन दिया जा चुका है। ये लोन तीन अलग अलग कैटेगरी शिशु, किशोर और तरुण के तहत दिए जाते हैं। शिशु के तहत 50 हजार रु तक, किशोर के तहत 5 लाख रु तक और तरुण के तहत 5 लाख से 10 लाख रु तक के लोन दिए जाते हैं। जो किसी कारोबार को शुरू करने के लिए किशोर कैटेगेरी का लोन यानी 5 से 10 लाख रु तक का लोन सबसे कारगर माना जाता है। लेकिन अब तक इस कैटेगीर में लोन पाने वालों की संख्या सिर्फ 1.3 फीसदी है। यानी 12 करोड़ 78 लाख लोगों में से सिर्फ 17 लाख 57 हजार लोगों को ही मोटी रकम का लोन मिला है। अगर कारोबारी साल 2018-19 के आंकड़ों पर नजर डालें तो कुल 6 करोड़ 97 लाख लोगों को लोन मिला। इनमें से 91 फीसदी लोग तो वो हैं जिन्हें 50 हजार रु से कम का ही लोन मिला है। जबकि 5 लाख रु तक के लोन पाने वालों की संख्या 6.7 फीसदी है। जबकि 5 लाख रु से ज्यादा पाने वालों की संख्या सिर्फ 1.3 फीसदी है। यानी मुद्रा योजना के तहत लोन पाने वालों की संख्या के आधार पर ये मान लेना कि उतने लोगों को रोजगार मिल गया शायद गलता ही होगा। इतना ही नहीं सरकारी दबाव में भले ही बैंक मुद्रा लोन बांट रहे हों लेकिन आगे चलकर ये बैंकों की सेहत के लिए चिंता बन रहा है क्योंकि छोटे लोन में बैंकों को फायदा कम खर्च ज्यादा होता है। तो इस मसले पर भी इस सरकार को जबाब देना चाहिए।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सचिव तथा पूर्व सीपीएस व पूर्व विधायक घुमारवीं राजेश धर्माणी ने प्रदेश सरकार से कड़े शब्दों में मांग की है कि स्वास्थ्य घोटाले की जांच को किसी सिटिंग जज से करवाई जाए। वह बिलासपुर में पत्रकारों से बात कर रहे थे उन्होंने कहा कि कितनी हैरानी की बात है कि भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष को इस मामले में त्यागपत्र देना पड़ा। उन्होंने कहा कि इस मामले में कई बड़ी हस्तियां, कई बड़े अधिकारी व बिजनेसमैन भी इसमें शामिल हैं इसलिए अगर वर्तमान सिटिंग जज से जांच करवाई जाए तो दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि अगर भाजपा नैतिकता के आधार पर अपने पार्टी के राज्य अध्यक्ष के त्यागपत्र की बात कर रही है तो और भी नैतिक आधार पर त्यागपत्र दे सकते हैं क्योंकि कोरोना महामारी के दौरान यह घोटाला सामने आया है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के मेडिकल कॉलेजो, सीएमओ के कार्यालयों, हिमफैड तथा डिस्ट्रिक्ट फेडरेशन को भी जांच के दायरे में लाया जाना चाहिए क्योंकि इनके माध्यम से भी सप्लाई हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि शिमला आईजीएमसी के प्रधानाचार्य डॉ मुकंदलाल का तबादला भी इसलिए किया गया क्योंकि वह सरकार के मन मुताबिक काम नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने कहा कि डॉ मुकंद अपनी ईमानदारी के लिए जाने जाते हैं और इसका खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ा। उन्होंने कहा कि सरकार पूरी तरह से भ्रष्ट हो गई है और उस पैसे को भी चहेतों को उड़ा रही है जो लोगों ने कोरोना महामारी से निपटने के लिए दिया है। पत्रकार वार्ता में जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्षा अंजना धीमान और कांग्रेस महासचिव तथा पूर्व प्रवक्ता संदीप सांख्यान भी उपस्थित रहे।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटिड से प्राप्त जानकारी के अनुसार 13 जून, 2020 को जिला के धर्मपुर क्षेत्र में 33 केवी विद्युत उपकेन्द्र की मुरम्मत के दृष्टिगत विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। यह जानकारी विद्युत उपमंडल धर्मपुर के सहायक अभियंता गौरव अधीर ने दी। उन्होंने कहा कि 13 जून 2020 को उपरोक्त के दृष्टिगत प्रातः 10.00 बजे से सांय 6.00 बजे तक धर्मपुर बाजार, सुबाथू रोड़, कानो, चैल दंगियारी, रौड़ी, मंगोटी मोड़, मंदोदर, सनवारा, सनवार गांव, बोहली, कुम्हारहट्टी, भोजनगर, डगशाई, सुल्तानपुर, गांधीग्राम, नारायणी, ममू, एम.प.स. फार्मा, आरबी नेट, अरूण केमिकल्स, जंगल लाॅज, पीए पिनियन, वुड क्रीक होटल, बिन्नीज रिजाॅर्ट, रामदा होटल, बावा रिजाॅर्ट विस्परिंग विंड्स, कसौली काॅन्टिनेंटल रिजाॅर्ट, विन्डसर रिजाॅर्ट, कसौली इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल, पाईनग्रोव स्कूल, गोपाल स्वीट्स, राॅक रोज़ होटल तथा साथ लगते क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। उन्होंने लोगों से इस अवधि के दौरान सहयोग की अपील की है।
अर्की के ऐतिहासिक व पौराणिक बणिया देवी ( ग्यासी माता) मन्दिर में हर वर्ष की भांति 16 जून को होने वाले मेले को वैश्विक महामारी कोविड 19 के चलते स्वास्थ्य मंत्रालय के दिशानिर्देशानुसार नही मनाया जाएगा। अतः हर वर्ष की भांति मेले में आने वाले व्यापारियों व श्रद्धालुओ को सूचित किया जाता है कि वह सरकार के निर्देशों की पालना करते हुए अपने घरों में ही रहे। यदि कोई अपनी मन्नत या दान देना चाहता है तो मन्दिर के अकाउंट दुर्गा देवी मंदिर गांव घरनो p/o बखालग, आईएफसी कोड ucba-0000392, a/c नम्बर 03920100005232 में ऑन लाइन जमा करवा सकते है।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि देश के विभिन्न हिस्सों से हिमाचल प्रदेश आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की समुचित चिकित्सीय जांच की जाए ताकि यह सुनिश्चित बनाया जा सके कि उनमें कोविड-19 का कोई लक्षण नहीं है। मुख्यमंत्री शिमला से वीडियो काॅन्फ्रेंसिग के माध्यम से प्रदेश के सभी उपायुक्तों, पुलिस अधीक्षकों और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में आने वाले तथा राज्य से बाहर जाने वाले लोगों के लिए मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) का सख्ती से पालन किया जाना चाहिए तथा हाॅट-स्पाॅट से आए लोगों की जांच पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि हाॅट-स्पाॅट से आने वाले लोगों की कोरोना संक्रमण के लिए जांच अनिवार्य है तथा जांच रिपोर्ट नेगेटिव आने पर ही उनको होम क्वारंटीन की अनुमति प्रदान की जाए। जय राम ठाकुर ने कहा कि कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए एहतियाती उपायों जैसे मास्क का प्रयोग, शारीरिक दूरी बनाए रखना और जुकाम जैसे लक्षण सामने आने पर चिकित्सीय सलाह लेना आदि सुनिश्चित बनाने के लिए सूचना, शिक्षा और प्रसार पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि लोगों को सार्वजनिक स्थानों पर जाने से बचने तथा कार्यस्थलों पर आपस में उचित दूरी बनाए रखने के लिए जागरूक किया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि घर पर क्वांरटाइन की सुविधा को अधिक प्रभावी बनाया जाना चाहिए तथा उल्लघंन करने वालों से सख्ती से निपटा जाए। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य कार्यकर्ता, आशा कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों को अग्रसक्रियता दिखानी चाहिए ताकिघर पर ही क्वांरटाइन किए गए संक्रमित लोग इस वायरस को आगे न फैलाएं। जय राम ठाकुर ने कहा कि सेब बहुल क्षेत्रों में श्रमिकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के प्रयास किए जाने चाहिए ताकि बागबानों को असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि राज्य से बाहर से आए श्रमिकों की स्वास्थ्य जांच की जानी चाहिए और यदि आवश्यक हो तो उन्हें भी क्वांरटाइन किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य के आम बहुल क्षेत्रों में भी उपयुक्त श्रमिकों की व्यवस्था के लिए पग उठाए जाने चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के लगभग 1.92 लाख लोग देश के विभिन्न हिस्सों से वापस पहुंचे हैं तथा सभी को क्वांरटीन किया गया है। इसलिए राज्य में तेज़ी से बढ़ रहे कोविड-19 संक्रमित मरीज़ों की संख्या से आम लोगों को घबराने की आवश्यकता नही हैं। मुख्य सचिव अनिल खाची ने उपायुक्तों को केन्दª सरकार और राज्य सरकार द्वारा जारी किए गए दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए। पुलिस महानिदेशक संजय कुण्डू, अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य आर.डी धीमान, प्रधान सचिव राजस्व ओंकार शर्मा और अन्य वरिष्ठ अधिकारी बैठक में उपस्थित थे।
वन मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने विपक्ष द्वारा सरकार पर लगाए जा रहे भ्रष्टाचार के आरोपों को ओच्छी राजनीति से पे्ररित करार दिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार भ्रष्टाचार के प्रति ‘जीरो टोलेरेन्स’ सिद्धान्त पर कार्य कर रही है और अब तक का अढाई साल का कार्यकाल अभूतपूर्व उपलब्धियों से भरा रहा है। उन्होंने कहा कि पटवारी भर्ती परीक्षा में हुई अनियमितता की याचिका को उच्च न्यायालय ने खारिज कर दिया है जबकि वेंटीलेटर खरीद मामले में भी प्रदेश सरकार पर कोई आरोप सिद्ध नहीं हुआ है। विपक्ष तथ्यों के बिना सरकार की छवि को धूमिल करने के उद्देश्य से झूठे आरोप लगा रहा है क्योंकि उसके पास कोई ठोस तथ्य नहीं है। वन मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने राज्य का तीव्र और संतुलित विकास सुनिश्चित बनाया है और समाज के हर वर्ग के हितों को ध्यान में रखते हुए अनके कल्याणकारी योजनाएं शुरू की हैं। मुख्यमंत्री सेवा संकल्प हैल्पलाईन, मुख्यमंत्री कन्यादान योजना, गृहणी सुविधा योजना, हिमकेयर जैसी कई योजनाओं से प्रदेश के लाखों लोग लाभान्वित हो रहे हैं। लेकिन विपक्ष इस विकास को पचा नहीं पा रहा है और केवल आलोचना करने के लिए कांग्रेस के नेता अनाप-शनाप बयानबाजी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेता यह बात भूल गए हैं कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान प्रदेश में भ्रष्टाचार का बोलबाला था और कांग्रेसी नेता केवल अपने रिश्तेदारों को लाभ पहुंचा रहे थे। उनका प्रदेश के विकास तथा लोगों के कल्याण की ओर कोई ध्यान नहीं था और कई प्रकार के माफिया सक्रिय थे। उन्होंने केवल अपने बचाव में पांच वर्ष व्यतीत कर दिए और प्रदेश व लोगों के हितों की पूरी तरह अनदेखी की। गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा कि कोविड महामारी के इस संकटकाल में प्रदेश के मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने कई ठोस कदम उठाए हैं। प्रदेश के लोगों की बाहरी राज्यों से घर वापसी, राशन किट, मास्क, दवाइयां, सेनेटाइजर वितरित करने सहित राज्य सरकार ने लोगों को सुविधाएं प्रदान करने के उद्देश्य से कई सराहनीय कार्य किए हैं। मुख्यमंत्री द्वारा राज्य में कोरोना महामारी से प्रभावित तरीके से निपटने के प्रयासों की स्वयं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सराहना कर चुके हैं और अन्य राज्यों से हिमाचल से सीख लेने की बात भी कही है। प्रधानमंत्री द्वारा दिए गए 20 लाख करोड़ रुपये के आर्थिक पैकेज का लाभ भी सीधे प्रदेशवासियों तक पहुंचाया जा रहा है। उज्जवला योजना के अंतर्गत 1.36 लाख गैस सिलैंडर मुफ्त प्रदान किए गए हैं और प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत किसानों को 8.74 लाख रुपये आबंटित किए गए हैं। इन्ही प्रयासों के फलस्वरूप मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर को देश का ‘बेस्ट परफाॅर्मिंग मुख्यमंत्री’ आंका गया है। उन्होंने विपक्ष के नेताओं को सलाह दी है कि अनर्गल बयानबाजी के बजाय प्रदेश के विकास और लोगों के कल्याण के लिए सरकार के प्रयासों को समर्थन प्रदान करें तथा भ्राम बयानबाजी के जरिये लोगों को गुमराह करने के प्रयास नहीं करें।
कुनिहार बाज़ार में पेय जल की सप्लाई अब एक दिन की बजाये 2 दिन छोड़ कर दिए जाने से लोगों में भारी रोष व्याप्त है। वार्ड नंबर 1, 2, 5 और 6 के उपभोगताओ गोपाल कृष्ण, इंद्र पाल शर्मा, वार्ड मेम्बर कमला देवी, मीना देवी, अनिल कुमार, देवी राम, कृष्णा देवी,रक्षा देवी राजिंदर कुमार, कमल किशोर, लता देवी, सोहन लाल, रमेश शर्मा, गुरु राम, रमेश खुराना, श्यामलाल, बल राम, कुलदीप कुमार, मीरा देवी,सहित काफी संख्या में लोगों ने विभाग के खिलाफ पानी की सप्लाई में अनियमिताओ के आरोप लगाए। दर्जनो लोगो ने विभाग के कार्यालय के बाहर खाली बर्तनो के साथ विभाग के खिलाफ जोरदार नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। प्रेस को जारी बयांन में एयरपोर्ट कमेटी के निर्देशक और भाजपा जिला सोलन के मीडिया सह प्रभारी इंद्रपाल शर्मा ने कहा की शहर में पानी की अव्यवस्था को लेकर गत दिनो अधिशाषी अभियंता अर्की, सहायक अभियंता सुबाथू, जे ई कुनिहार व स्टाफ के साथ शहर के प्रमुख लोगों और जन प्रतिनिधियो ने कुनिहार में बैठक कर सारी स्थिति से अवगत करावाया गया था जिसपर उन्होने बताया था, कि कुनिहार में पानी की कमी नही है व क्षेत्र में पेय जल सप्लाई को ठीक किया जायेगा। पुरे शहर में एक दिन छोड़ कर सभी को पानी दिया जायेगा। लेकिन दो दिनो के बाद ही जे ई कुनिहार ने पय जल आपूर्ति एक दिन छोड़ कर देने की बजाए 2 दिन बाद पानी की सप्लाई शुरू कर दी। इस सम्बंध में जब जे ई से बात की तो उन्होने कहा की अब 2 दिन छोड़ कर ही पानी मिलेगा। जब की शहर की मुख्य सड़क मार्ग पर हर रोज पेय जल सप्लाई चल रही है, जो की गलत है, जिस पर अभी तक कोई कार्यवाही नही हुई है। हाटकोट के उक्त वार्ड के लोगो ने रोष प्रकट करते हुए कहा है कि पेय जल की समस्या यदि जल्द हल नही हुई तो हम आंदोलन करने से भी परहेज़ नही करेंगे। जनता अब इस मामले को 1108 के माध्यम से मुख्यमंत्री के समक्ष तो उठाएगा ही, साथ ही प्रदेश जल शक्ति विभाग को भी इस समस्या से रूबरू करवाएगा। इस बारे में सहायक अभियंता मुनीश शर्मा ने बातचीत में बताया कि जाबलु पेयजल योजना पर अतिरिक्त मशीनरी लगवाई जा रही है, जिस कारण पेयजल आपूर्ति तीसरे दिन की गई है। गर्मियों में लोगो को पानी की समस्या न हो इसलिए विभाग इस योजना पर नई मशीनरी लगवा रहा है। नई मशीनरी के सुचारू रूप से चलने पर लोगो को पहले की तरह पेयजल आपूर्ति होने लगेगी।
वीरवार कुल्लू पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने एक व्यक्ति को 42 किलो चरस के साथ गिरफ्तार किया है। बंजार थाना की टीम ने हेड कांस्टेबल जगदीश के नेतृत्व में फागू पुल के पास चेकिंग के दौरान पिकअप एचपी 41-0675 के चालक, लीलाधर पुत्र सुदर्शन निवासी रिवालसर जिला मंडी से 42.05 किलो चरस बरामद की है। पुलिस ने उपरोक्त को गिरफ्तार कर लिया है और आगामी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। पिछले 17 सालों में पकड़ी गई चरस की यह सबसे बड़ी खेप है। इसी के साथ कुल्लू पुलिस ने जुलाई 2019 से लेकर अब तक करीब 218 किलो चरस बरामद की है और सप्लायर्स के खिलाफ सख्त कार्रवाई करके उन्हें गिरफ्तार भी किया है। इससे पूर्व बंजार पुलिस टीम ने एक व्यक्ति से आठ किलो चरस बरामद की थी। इसमें बंजार पुलिस थाना की टीम लगातार ड्रग्स के बड़े बड़े माफिया को बड़ी खेप के साथ गिरफ्तार कर रही है। मामले की पुष्टि करते हुए पुलिस अधीक्षक कुल्लू गौरव सिंह ने बताया कि बंजार पुलिस ने 42.5 किलो चरस के साथ एक आरोपित को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच आरंभ कर दी है।
डॉ वाई एस परमार राजकीय मेडिकल कॉलेज नाहन में स्थापित कोविड-19 परीक्षण प्रयोगशाला का शुभारम्भ उपायुक्त सिरमौर डॉ आर के परुथी की मौजूदगी में हुआ। शुभारम्भ के बाद 22 सैम्पल्स का प्रथम बैच प्रयोगशाला में लिया गया। डॉ परुथी ने कॉलेज प्रबंधन को बधाई देते हुए कहा कि इस प्रयोगशाला के शुरू होने से अब कोविड-19 के सैम्पल्स की जाँच में तेजी आएगी जिससे संक्रमित व्यक्ति की पहचान करने में आसानी होगी और इस सक्रंमण को फैलने से रोका जा सकेगा। उन्होंने बताया कि कोविड-19 परीक्षण प्रयोगशाला के महत्व और आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट, सिरमौर ने इस प्रयोगशाला के लिए 1.18 करोड़ की राशि मुहैया करवाई थी। कोविड-19 परीक्षण प्रयोगशाला आयुर्वेदिक अस्पताल के भूतल में स्थापना की गई है। उन्होंने बताया कि वक्त के साथ इस प्रयोगशाला में टेस्टिंग की क्षमता को बढ़ाया जायेगा और जल्द ही पूरे जिले के सैंपल की जांच इस प्रयोगशाला में संभव होगी। इस अवसर पर कॉलेज प्रबंधन ने उपायुक्त सिरमौर को इस प्रयोगशाला के लिए किये गए उनके व्यक्तिगत प्रयासों के लिए धन्यवाद किया।
रूट मॉडल पब्लिक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला करसोग के विद्यार्थियों ने इस बार भी दसवीं की कक्षा की परीक्षा परिणाम में खूब नाम चमकाया। इस विद्यालय के विद्यार्थियों ने पहले भी कई बार शिक्षा बोर्ड की परीक्षाओं में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। मार्च 2020 में ली गई दसवीं कक्षा की परीक्षा में रुट मॉडल पब्लिक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला करसोग के 66 बच्चे बैठे थे, जिसमें से 65 बचें उत्तीर्ण हुए हैं। प्रथम स्थान अर्शिया गुप्ता 672 अंक, दूसरा स्थान स्नेहा वर्मा 666 अंक,तीसरा स्थान मौलिक गुप्ता 663 अंक, चौथा स्थान ऋजुल ठाकुर 662 अंक,पांचवा स्थान स्नेहा 657 अंक, छटा स्थानअमन वर्मा 652 अंक, सातवां स्थान मानवी महाजन 651अंक, इशिता का आठवा स्थान643 अंक,धर्मेंद्र कुमार नौंवा स्थान627 अंक, लोकेश 626 अंक लेकर दसवें स्थान पर रहे। इसी क्रम मे सोहनीराज 624,ईशान वर्मा 623,ऋतिक ठाकुर 621,प्रांजल ठाकुर 618,हितेश ठाकुर 617, अवनीश कुमार 617, निखिल 610, अश्मिता वर्मा 610 तुषार वर्मा 601 अंक प्रप्त किये।विद्यालय के 19 बच्चों ने 600 से अधिक अंक प्राप्त किए तथा बाकी के सभी बच्चे प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण हुए जो कि विद्यालय के लिए बड़े हर्ष की बात है। विद्यालय प्रधानाचार्या श्रीमती नरेन्द्रा शर्मा ने इस मौके पर सभी बच्चों, अभिभावकों व अध्यापकों को बधाई दी औऱ कहा कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी बच्चों ने अच्छे अंक प्राप्त करके विद्यालय व अपना नाम, अपने अभिभावकों का नाम रोशन किया और बच्चों को संदेश दिया कि आज पूरी दुनिया कोरोना जैसी महामारी से लड़ रही है जिससे सभी को सचेत रहना चाहिए व हमारे विद्यालय में बच्चों की ऑनलाइन क्लासेज ली जा रही है बच्चों को उन्होंने मेहनत करते रहने का भी संदेश दिया और बच्चों को संदेश दिया कि वे सुरक्षित रहें स्वस्थ रहे।
एस वी एन पब्लिक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कान दसवीं कक्षा का बोर्ड परीक्षा परिणाम सराहनीय रहा। सत्र 2019 में इस पाठशाला के 44 बच्चों ने बोर्ड परीक्षा दी जिसमें अनुभव ठाकुर ने प्रथम, एनेक्स पाल, आकाश, आर्यन चौहान ने दूसरा व भुवनेश्वर ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। विद्यालय के अधिकतर बच्चों ने 80% से अधिक अंक प्राप्त किए। इस प्रकार हिंदी विषय में 6 बच्चों ने 98 अंक प्राप्त कर इतिहास रचा। अंग्रेजी विषय में आर्यन चौहान ने 92 अंक प्राप्त किए। गणित में अनुभव ने 93, विज्ञान विषय में आकाश कुमार ने 92, सामाजिक विज्ञान में रितिका धवन ने 94, संस्कृत विषय में एनेक्स पाल ने 92 और कंप्यूटर साइंस में दिव्यांशी और भुवनेश्वर ने 99 अंक प्राप्त कर अपने अध्यापकों व अभिभावकों का नाम रोशन किया। खुशी के इस अवसर पर प्रधानाचार्य टी सी गर्ग ने बच्चों अध्यापकों व अभिभावकों को बधाई देते हुए बच्चों को आगे बढ़ते रहने की प्रेरणा दी ताकि वह हमेशा अपने अभिभावकों अध्यापकों व पाठशाला का नाम रोशन करते रहें।
हिमाचल प्रदेश पूर्व सैनिक लीग, मंडी के अध्यक्ष कर्नल प्रताप सिंह ने एचपी एसडीएमए कोविड-19 स्टेट डिजास्टर रिस्पाॅंस फंड के लिए 2.25 लाख रुपये का चैक मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर को भेंट किया। इस फंड के लिए अर्की क्षेत्र के लोगों की ओर से सोलन जिले के अर्की विधानसभा क्षेत्र के भाजपा नेता राम रतन पाल ने भी 1.76 लाख रुपये का चैक मुख्यमंत्री को भेंट किया। राज्य ऊर्जा निगम की इंजीनियर वेलफेयर एसोसिएशन की ओर से एसोसिएशन के अध्यक्ष ने 1,05,000 रुपये का चैक इस फंड के लिए भेंट किया। राज्य बिजली बोर्ड के सेवानिवृत्त वरिष्ठ कार्यकारी अभियंता मनोहर सिंह ने इस कोष के लिए 15000 रुपये का व्यक्तिगत योगदान किया।
जिला कांग्रेस सेवा दल के जिला अध्यक्ष तिलक राज शर्मा ने कहा है कि प्रदेश में कांग्रेस पार्टी और इससे संबन्धित सभी संगठनों को सशक्त अथवा मजबूत करने के लिए कांग्रेस पार्टी ने यहाँ जिला में अभियान चला रखा है। उन्होने कहा कि इसी कड़ी में बुधवार को शहरी कांग्रेस सेवा दल के राकेश ठाकुर को प्रधान और मनीष शर्मा को महासचिव नियुकत किया गया है। तिलक राज शर्मा ने कहा कि इन दोनों ही युवाओं की इस नियुक्ति से जहां संगठन को मजबूती मिलेगी, वहीं कांग्रेस पार्टी से अधिकाश युवाओं को जोड़ने में भी सफलता मिलेगी।
कांग्रेस सेवा दल के जिला अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक तिलक राज शर्मा की अध्यक्षता में सेवा दल का एक बड़ा शिष्ट मण्डल उपायुक्त राजेश्वर गोयल से मिला और उन्हें महामहिम राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय को प्रेषित करने के लिए एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन में कहा गया है कि जब सारा प्रदेश भयानक महामारी कोरोना वायरस से बचाव के लिए जूझ रहा है, तो प्रदेश सरकार का स्वास्थ्य विभाग कथित भ्रष्टाचार करने में व्यस्त है। शिष्ट मण्डल ने कहा कि औडियो क्लिप से स्पष्ट है कि इस घोटाले में कुछ बड़े लोग भी शामिल हैं, जिन्हें भी जांच के दायरे में लाया जाना चाहिए और जांच को हाई कोर्ट के किसी जज से करवाया जाना चाहिए, ताकि सच्चाई सबके सामने आ सके और दोषियों को दंडित किया जा सके। उन्होने ज्ञापन में मांग की है कि स्वास्थ्य विभाग में की गई दवाइयों व उपकरणों की खरीद बारे श्वेत पत्र जारी किया जाये तथा विधायकों व मंत्रियों द्वारा अपने सरकारी फंड से कितने व्यय से मास्क, सेनेटाईजर और पी पी ई किट्स बांटे गए, इसका पूरा विवरण सार्वजनिक किया जाए। तिलक राज शर्मा ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग में हुए कथित घोटालों के कारण सरकार की जनता में विश्वसनीयता पूरी तरह से समाप्त हो चुकी है। शिष्टमंडल ने किसानों व बागवानों को फसलों और फलों को असमय हुई भारी वर्षा व तूफान –आँधी के कारण हुए नुकसान की भरपाई के लिए उन्हें आर्थिक सहायता दिये जाने तथा आम व लीची आदि की हानि का तुरंत मुआवजा देने ,प्रदेश में लाक डाउन के कारण पर्यटन को पहुंची हानि के कारण होटल उदद्योग बुरी तरह से कुप्रभावित हुआ है, इसलिए इन उदद्योग को जीवित रखने के लिए विशेष आर्थिक पैकेज घोषित किए जाने की मांग की है। उन्होने कहा कि टेकसी ड्राईवर पर्यटन का एक अभिन्न अंग होते हैं ,जिन्हें भी इस दौरान काफी हानि उठानी पड़ी है ,इसलिए उन्हें भी उचित आर्थिक सहायता दी जाए ताकि वे अपने पाँव पर खड़े हो सकें । जिला अध्यक्ष ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उपरोक्त मांगों को तुरंत स्वीकार नहीं किया तो कांग्रेस सेवा दल आंदोलन चलाने पर विवश होगा जिसका सारा उत्तरदाईत्व भी सरकार पर ही होगा। शिष्ट मण्डल में अन्यों के अतिरिक्त , गुरदास सिंह सुमन, रोशन लाल शर्मा, राकेश शर्मा, अनिल चौहान, संजीव मल्होत्रा, संदीप ठाकुर, लक्ष्मण दास, लेख राम, राहुल चौहान, हेम राज ठाकुर, जसवंत धीमान, मनीष शर्मा, रमेश कुमार, देवराज और गौरव शर्मा उपस्थित रहे।
बिलासपुर जिला मुख्यालय से दस किलोमीटर दूर नौणी के पास राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर सड़क पर लोक निर्माण विभाग द्वारा तारकोल बिछाने का कार्य चलने से लम्बा जाम लग रहा है। यहां पर अव्यवस्था के चलते बिलासपुर व मंडी तथा हमीरपुर आदि जिलों के कितने ही क्षेत्रों से आने वाले सैकड़ों छोटे –बड़े वाहन तथा यात्री बसों और शिमला आईजीएमसी तथा चंडीगढ़ पीजीआई जाने वाले मरीज वाहन अथवा एम्बुलेंस घंटों तक रोकी जा रही हैं, जिस कारण लोगों को भारी गर्मी में कितनी ही कठिनाइयों को झेलने पर विवश होना पड़ रहा है। प्रिय दर्शनी महामाया चेरिटेबल ट्रस्ट के उपाध्यक्ष पुरंजन ठाकुर ने कहा कि किसी यह कार्य किसी ठेकेदार के माध्यम से करवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ठेकेदार की कथित ऊंची पहुँच के कारण उसे बेरोकटोक लोगों को परेशान करने और सड़क पर तारकोल बिछाने के नाम पर लोगों को घंटों तक रोकने की खुली छूट दे रखी है, जिस पर कड़ाई से अंकुश लगाया जाना चाहिए ताकि वहाँ घंटों तक जाम में फंसे रहने के कारण लोगों को अकारण परेशान होने से बचाया जा सके। उन्होने कहा कि बुधवार को नौणी के पास सैकड़ों वाहनों के लगे लंबे जाम में हजारों लोग बुरी तरह से परेशान हुए है। उन्होने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों और जिला प्रशासन से इस स्थल पर वाहनों का आवागमन सुचारु रूप से चलाए रखने के उचित प्रबंध करने की मांग की है, ताकि लोगों को आवश्यक राहत मिल सके।
राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने मोबाइल नेटवर्क संचालकों से अपनी सामाजिक जिम्मेदारी का निर्वहन करते हुए आम लोगों को कोरोना महामारी से रोकथाम के उपायों और सरकार की ओर से जारी किए गए दिशा-निर्देशों के बारे में जागरूक बनाने का आह्वान किया है। राज्यपाल राजभवन में प्रदेश के मोबाइल नेटवर्क संचालकों के उच्च अधिकारियों के साथ बातचीत कर रहे थे, जिनमें बीएसएनएल, एयरटेल, रिलायंस जियो और वोडा फोन इत्यादि शामिल थे। उन्होंने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि अधिकांश संचालक राज्य में बेहतरीन सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। उन्होंने संचालकों से जनजातीय क्षेत्रों सहित समाज के कमजोर वर्गों और किसानों को और बेहतर सेवाएं प्रदान करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के लोगों को लाभान्वित करने के लिए आॅप्टिकल फाइबर और डिजिटल इंडिया पर कार्य में तेजी लाई जाए। राज्यपाल ने कहा कि इस पहाड़ी राज्य में संचार के क्षेत्र में कई चुनौतियां हैं। कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के कारण लोग संचार प्रणाली पर अधिक निर्भर हैं। उन्होंने कहा कि कोविड-19 के दृष्टिगत लगाए गए लाॅकडाउन को खोलने की प्रक्रिया शुरू हो गई है, जिसे देखते हुए मोबाइल नेटवर्क संचालकों को लोगों को जागरूक करने की गतिविधियां बढ़ा देनी चाहिए। वे जागरूकता संदेशों जैसे कालर टयून, काॅल से पूर्व घोषणाओं आदि के माध्यम से लोगों को जागरूक कर सकते हैं। उन्होंने विभिन्न मोबाइल कम्पनियों के कोरोना योद्धाओं की सराहना की, जिन्होंने संकट के इस काल में कठिन परिश्रम कर मोबाइल सेवाएं जारी रखीं। राज्यपाल के सचिव राकेश कंवर, बीएसएनएल के राज्य नोडल अधिकारी चन्द्रमोहन, रिलायंस जियो के एचआर प्रमुख प्रशांत ठाकुर, एयरटेल के ऑपरेशन प्रमुख विपिन अहूजा, एयरटेल के उप महाप्रबन्धक गुरमेल सिंह, वोडाफोन के सर्कल हैड शशिकांत वर्मा बैठक में उपस्थित थे।
वन मंत्री गोविन्द सिंह ठाकुर ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से ‘एकीकृत विकास परियोजना’ (आईडीपी) के विकास कार्यों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि परियोजना का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संतुलन स्थापित कर कृषि के माध्यम से किसानों की आय में वृद्धि करने के साथ-साथ पंचायत स्तर पर लोगों को आजीविका तथा रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाना है। उन्होंने कहा कि इस परियोजना के अन्तर्गत वन, कृषि, बागवानी, पशुपालन, ग्रामीण विकास और पंचायती राज विभाग परस्पर जुड़े हुए हैं। एकीकृत विकास परियोजना के अन्तर्गत इस वित्त वर्ष 3181 हेक्टेयर क्षेत्रफल में लगभग 23 लाख पौधे रोपने के लक्ष्य को पूरा करने के लिए 30 करोड़ 75 लाख रुपये आबंटित किए गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश की सभी पंचायतों में शीघ्र ही समितियों को गठित किया जाए, ताकि अधिक से अधिक ग्रामीणों तक इस परियोजना का लाभ पहुंचाया जा सके। गोविन्द सिंह ठाकुर ने कहा कि सीडीएम (क्लीन डवेल्पमेंट मैकेनिज़्म) के अन्तर्गत समूह पौधरोपण अभियान के माध्यम से कार्बन राजस्व से प्रदेश की लोगों की आय बढ़ाई जा सकती है। पौधरोपण द्वारा अभी तक लगभग दो करोड़ रुपये से अधिक के कार्बन राजस्व से लोगों को लाभान्वित किया गया है। इस बैठक में प्रधान मुख्य अरण्यपाल अजय कुमार सहित ज़िला परियोजना अधिकारियों ने भी भाग लिया।
भाजपा मंडल अर्की की बैठक मंगलवार सांय 4 बजे मण्डल अध्यक्ष डी.के उपाध्याय की अध्यक्षता में Webex App के माध्यम से सम्पन हुई। बैठक की जानकारी देते हुए मण्डल अध्यक्ष ने बताया कि बैठक में विशेष रूप से सामाजिक न्याय अधिकारिता व सहकारिता मंत्री डॉ राजीव सैजल, जिला प्रभारी पायल वैद्य, प्रदेश उपाध्यक्ष रतन सिंह पाल, शिमला संसदीय क्षेत्र के पूर्ण कालिक विस्तारक प्रियव्रत शर्मा उपस्थित रहे और उनका मार्ग दर्शन मिला। उन्होंने बताया कि केंद्र से प्रदेश और प्रदेश से मण्डल स्तर तक 6 जून से लेकर 30 जून 2020 तक जो भी कार्य किए जाने है उन पर वितारपूर्वक चर्चा हुई व केन्द्र में मोदी सरकार के गौरवमयी 1 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में 10 जून को शिमला संसदीय क्षेत्र मे होने वाली वर्चुअल रैली के लिए भी विशेष चर्चा हुई और साथ ही बैठक में नव नियुक्त जिला व मंडल मोर्चा के अध्यक्ष व पदाधिकारियों को बधाई दी गई।
हिमाचल प्रदेश शिक्षा बोर्ड द्वारा दसवीं कक्षा का परिणाम घोषित किया गया। इस परीक्षा में ईश्वरम्मा पब्लिक स्कूल दाड़लाघाट के विद्यार्थियों ने सराहनीय प्रदर्शन किया। विद्यालय के प्रधानाचार्य सुरेश ठाकुर ने बताया कि विद्यालय के सभी विद्यार्थी प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण हुए। विद्यालय की दसवीं कक्षा की छात्रा वर्षा शर्मा ने 700 में से 656 अंक प्राप्त करके प्रथम स्थान प्राप्त किया व द्वितीय स्थान पर तेजन्द्र वर्मा 700 में से 642 अंक प्राप्त किए व तृतीय स्थान पर कामना शर्मा ने 634 ओर चौथे स्थान पर निशांत गुप्ता ने 623 अंक प्राप्त कर विद्यालय का गौरव बढ़ाया। विद्यालय के सभी विद्यर्थियों ने 80% से अधिक अंक प्राप्त कर विद्यालय एवं अपने माता-पिता का नाम रोशन किया। इस अवसर पर प्रधानाचार्य सुरेश ठाकुर व सभी अध्यापकों ने सभी छात्रों व उनके अभिभावकों को बधाई दी। एसएमसी अध्यक्ष राजेश गुप्ता ने अध्यापकों, प्रधानाचार्य व बच्चों के माता-पिता को इस उपलब्धि के लिए बधाई दी व भविष्य में भी कड़ी मेहनत करने का संदेश दिया।
राष्ट्रीय हिन्दू युवा वाहिनी ने अपनी कार्यकारिणी का विस्तार करते हुए बुधवार को बिलासपुर के रूपेश भट्टी को जिलाध्यक्ष नियुक्त किया है। रूपेश भट्टी कि यह नियुक्ति राष्ट्रीय हिन्दू युवा वाहिनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रजत छाबड़ा, राष्ट्रीय संगठन मंत्री डा अरुण गौड़, हिमाचल प्रदेशाध्यक्ष विजयानंद भारती हिमाचल के प्रदेश संगठन मंत्री चंदेर्शेखर हिन्दू, हिमाचल के उपाध्यक्ष रमण सूद द्वारा की गई। राष्ट्रीय हिन्दू युवा वाहिनी के प्रदेश महामंत्री चंद्रशेखर हिन्दू ने इस मौके पर रूपेश भट्टी को बधाई दी तथा उन्हें आगे अपनी कार्यकरिणी का विस्तार करने के आदेश दिए तथा उन्हें कहा कि वह जिला कार्यकरिणी बनने के बाद खंड व पंचायत स्तर पर अपनी कार्यकरिणी का गठन करे। चंद्रशेखर हिन्दू ने कहा कि आजकल कोरोना महामारी के चलते देश भर में लॉकडाउन लगा हुआ है जिसके चलते संगठन अभी ऑनलाइन मीटिंग का आयोजन कर रहा है और सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुए किसी भी प्रकार की कोई बैठक या कार्यक्रम का आयोजन नही कर रहा। सभी सदस्यों से ऑनलाइन बैठक कर वार्तालाप कर रहा है। उन्होंने कहा कि इस लॉकडाउन में अपनी सेवाए दे रहे कोरोना योद्धाओं को भी संगठन सम्मान पत्र देकर सम्मानित कर रहा है।
दाड़लाघाट के अंतर्गत नायब तहसीलदार बसंतलाल राजटा ने दवाइयों के विक्रेता, बार्बर व ब्यूटी पार्लर की दुकानों का औचक निरीक्षण किया।इस दौरान नायब तहसीलदार बसंतलाल राजटा ने मौके पर दवाई विक्रेता व हेयर ड्रेसर सहित लोगों को सोशल डिस्टनसिंग की पालना और मास्क लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने दवाई विक्रेताओं को कहा की वह बिना डॉक्टर की पर्ची से बुखार, जुखाम व खांसी की दवाई न दे व इस तरह के मरीजों का पूरा ब्यौरा अपने पास रखें। उन्होंने ब्यूटी पार्लर व बार्बर से भी कहा की वो भी सभी लोगों का विवरण अपने पास रखें, जिनकी उन्होंने कटिंग की है। उन्होंने इन्हें यह भी कहा कि वो अपनी दुकानों को अच्छी तरह से सेनिटाइज करते रहें। इस अवसर पर उनके साथ उप तहसील के वरिष्ठ सहायक राजेन्द्र ठाकुर भी उपस्थित रहे।
कोरोना महामारी के चलते प्राचीन ऐतिहासिक शक्ति स्थल बाड़ीधार में इस वर्ष देव मिलन नहीं होगा। हर वर्ष 13 व 14 जून को होने वाले बाड़ीधार मेले के आयोजन में होने वाले देव मिलन को इस साल कोरोना महामारी के चलते नहीं कराया जाएगा। सरकार के आदेशों के ध्यान में रखते हुए कोरोना महामारी के चलते बाड़ादेव पांच पांडव मंदिर समिति सरयांज बाड़ीधार ने यह निर्णय लिया है। कमेटी के सहसचिव कमल कांत ने बताया कि इस वर्ष न ही किसी प्रकार के मेले का आयोजन किया जाएगा और न ही देव मिलन करवाया जाएगा। मेले का आयोजन हर साल 14 या 15 जून को संक्रांत के दिन किया जाता था, लेकिन इस वर्ष कोरोना महामारी के चलते इस मेले का आयोजन रद्द कर दिया गया है। मंदिर कमेटी ने समस्त जनता से आग्रह किया है कि अगर कोई व्यक्ति बाड़ादेव के पास मन्नत या चढ़ावा चढ़ाना चाहता है तो वह मंदिर कमेटी के खाते में ऑनलाइन पेमेंट जमा करा सकता है। जिसके लिए यूको बैंक सरयांज में खाता नंबर 33360110011454 तथा मंदिर कमेटी बुईला का खाता नंबर 33360110015261 खुला है जिसका आईएफएससी कोड ucb008336 रहेगा। मंदिर कमेटी के सह सचिव कमल कांत ने बताया कि इस आश्य का आदेश उपमंडल अधिकारी (नागरिक) अर्की से भी 8 जून को प्रधान मंदिर समिति सरयांज, देवथल व सारमा को जारी किया गया है,जिसमें उन्होंने बताया है कि इस मेले के आयोजन के लिए सरकार की तरफ से कोई भी अनुमति नहीं दी जा सकती है। अतः उनसे जारी अनुमति को भी रद्द समझा जाए।इस क्षेत्र के बुजुर्गों से जब इस बारे में बात की गई तो उन्होंने बताया कि यह घोर कलियुग आ गया है, जो देव मिलन में भी रुकावट पैदा कर दी। उल्लेखनीय है कि बाड़ी का मेला हिमाचल के अलावा पंजाब, हरियाणा, दिल्ली व राजस्थान तक मशहूर है।हर साल यहां हजारों के संख्या में पर्यटक व श्रद्धालु इस मेले का आनन्द लेने आते रहें, लेकिन इस वैश्विक महामारी ने देव मिलन को भी रुकवा दिया। लोगों ने परमात्मा के स्थानो को धन दोहन केंद्र बनाने के भी आरोप लगाने शुरू कर दिए है। लोगों ने बताया कि गत वर्षों में यहां पैसे के लिए लड़ाई की चरम सीमा पर पहुंच कर देव मिलन नहीं करवाया गया था। शायद इस से नाराज़ देवता ने महामारी को कारण बना कर देव मिलन स्वं ही रुकवा दिया। आस्था रखने वाले इस देव प्रकोप बता रहे है। लोग कुछ भी सोचे व बोले मेला कमेटी ने अपना निर्णय सुना दिया है कि इस वर्ष ना मेला आयोजित किया जाएगा ना ही देव मिलन करवाया जाएगा। उधर, उपमंडलाधिकारी अर्की विकास शुक्ला ने लोगों से आव्हान किया है कि यह मेला व देव मिलन कार्यक्रम इलाकावासियों की श्रद्धा व आस्था का प्रतीक है।लेकिन वैश्विक महामारी के चलते हमे घर पर रहना होगा। फिलहाल जब तक प्रदेश सरकार के मंदिरों का कपाट खुलने के आदेश नहीं आते तब उपमंडल में कोई भी देव कार्यक्रम नहीं किया जाएगा। वही उन्होंने मेला कमेटी का धन्यवाद किया कि कमेटी द्वारा पहले ही इस वैश्विक कोरोना महामारी में मेला रद्द करने का फैसला ले लिया था।
हिमाचल प्रदेश के मुख्य सचिव अनिल खाची ने आज वीडियो काॅन्फ्रेसिंग के माध्यम से सभी जिलों की आगामी मानसून सीजन की तैयारियों की समीक्षा की। यह जानकारी उपायुक्त सोलन केसी चमन ने दी। केसी चमन ने कहा कि मुख्य सचिव ने निर्देश दिए हैं कि आगामी वर्षा ऋतु के दृष्टिगत सभी विभाग आमजन की सुरक्षा के लिए समय पर परामर्श जारी करें और यह सुनिश्चित बनाएं कि यह परामर्श जन-जन तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि मुख्य सचिव ने निर्देश दिए हैं कि भूस्खलन तथा बाढ़ इत्यादि के कारण होने वाले नुकसान को न्यून करने के लिए लोक निर्माण विभाग त्वरित कार्यशील रहे। उन्होंने कहा कि वीडियो कान्फ्रेन्सिग में इस सम्बन्ध में सोलन जिला की तैयारियों के बारे में मुख्य सचिव को अवगत करवाया गया। इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त विवेक चंदेल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य, पूर्व मंत्री व नयना देवी जी विधानसभा क्षेत्र के विधायक राम लाल ठाकुर ने प्रदेश सरकार पर जबरदस्त निशाना साध दिया। राम लाल ठाकुर ने कि पिछले 3 महीनों से इस लग रहा है कि प्रदेश सरकार जबरदस्त कंफ्यूजन में है। प्रदेश सरकार के इस कंफ्यूजन का पता इसी बात से लगया जा सकता है कि प्रदेश सरकार के विभिन्न विभाग सुबह कुछ और अधिसूचना जारी करते हैं, दोपहर को कोई और शाम को कोई और अधिसूचना जारी करते है। प्रदेश सरकार के मुखिया और उनके सिपहेसालर हर फैसले के लिए दिल्ली के केंद्र सरकार का मुंह देखते नजर आते है। राम लाल ठाकुर ने कहा कि उन्होंने आज तक ऐसी कंफ्यूज़न वाली सरकार पहले कभी नही देखी। उन्होंने कहा अब तो प्रदेश सरकार का काम इतना ढीला-ढाला हो चुका है कि जिला स्तर के अधिकारी भी सरकार की खिल्ली उड़ाने लगे हैं, और मजे की बात यह है कि प्रदेश सरकार के सिपहसालार सरकार के मुखिया के नाम के कसीदे पढ़ रहे है। राम लाल ठाकुर ने कहा प्रतिदिन हर बात तो प्रदेश की जनता के सामने हर दिन आ रही है लेकिन देखिए पुलिस महानिदेशक जैसे महत्वपूर्ण अधिकारी के कार्यलय में कोई कोविड 19 पॉजिटिव व्यक्ति बाहरी प्रदेश के बाहर से आकर चला जाता है और उस व्यक्ति की मृत्यु हो जाती है, अब प्रश्न यह उठता है कि उस व्यक्ति को संस्थागत क्वारंटाइन प्रदेश की सीमाओं पर क्यों नही किया गया? वह कैसे प्रदेश पुलिस के सबसे बड़े अधिकारी से मिल कर चला गया तो। राम लाल ठाकुर ने कहा कि प्रदेश का पुलिस महानिदेशक एक अति महत्वपूर्ण पद होता है अगर वहीं पर ऐसी धटना हो जाये तो आम आदमी के हालात प्रदेश में क्या होंगे। राम लाल ठाकुर ने कहा कि प्रदेश सरकार का न तो ओथेरेटेरिइन स्ट्रक्चर है और नही सिविल वेलफेयर स्ट्रक्चर कहीं दिखाई पड़ता है। राम लाल ठाकुर फिर से कहा कि यदि प्रदेश में सरकार चलाने में कोई दिक्कत हो रही है तो पूर्व में कांग्रेस के द्वारा चलाई गई योजनाओं से ही कुछ सीख ले लेनी चाहिए ताकि प्रदेश के हर आदमी तक योजनाओं का लाभ पहुँच सके।
राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हैंडबॉल खेल में जिला, प्रदेश व देश का नाम रोशन कर चुकी मोरसिंघी हैंडबाल नर्सरी की छात्राएं खेल में ही नही पढ़ाई में भी सबसे आगे हैं। गत दिवस स्कूल शिक्षा बोर्ड द्वारा घोषित 10वीं के परिणाम में नर्सरी की 14 छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन किया है। छात्राओं के इस शानदार प्रदर्शन से जहां उनकी कोच स्नेहलता, अभिभावक व मोरसिंघी स्कूल के अध्यापक भी खुश है। क्योंकि एक तरफ ये छात्राएं हैंडबॉल में राष्ट्रीय स्तर पर स्वर्ण पदक विजेता है वहीं अब 10वीं के परीक्षा परिणाम में भी शानदार अंक प्राप्त किए है। माना जाता है कि जो छात्र व छात्रा खेलों में रुचि रखता है वह पढ़ाई में कमजोर होता है लेकिन हर वर्ष विभिन्न क्लास के परीक्षा परिणामों में मोरसिंघी हैंडबॉल नर्सरी की छात्राओं ने लोगों की इस सोच को गलत साबित किया है। नर्सरी छात्राओं वंशिका मेहता ने 664, मेगना ने 540, जस्सी ने 523, अदिति ने 519, बबिता 491, पलक चौधरी व मानसी चन्देल ने 490, पायल ने 488, सपना चौहान ने 480, संजना ने 471, चंचल ने 443, अनुपम ने 426, अंजली ने 411, कृतिका ने 413, अंक प्राप्त किए। बता दें कि हाल ही लगे अंडर-16 भारतीय महिला हैंडबॉल प्रशिक्षण शिविर में अंजली, जस्सी व संजना प्रशिक्षण प्राप्त कर चुकी है।वहीं वंशिका मेहता हाल ही में अंडर-14 राष्ट्रीय हैंडबाल प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक हासिल करने वाली हिमाचल की टीम की कप्तान रही है। वहीं जस्सी अंडर-17 स्कूल हिमाचल टीम की कप्तान रही है जिसमे रजत पदक टीम ने हासिल किया है। संजना अंडर-15 सब जूनियर टीम की कप्तान रही जिसमे टीम ने स्वर्ण पदक हासिल किया था। ध्यान रहे कि मोरसिंघी पंचायत के बछड़ी गांव में राजनीतिक शास्त्र की प्रवक्ता व अंतरराष्ट्रीय हैंडबॉल खिलाड़ी स्नेहलता द्वारा मोरसिंघी हैंडबॉल नर्सरी के नाम से निशुल्क हैंडबॉल नर्सरी चलाई जा रही है। इस नर्सरी की महिला खिलाड़ियों ने देश में नर्सरी व अपनी कोच के साथ साथ जिला, राज्य का नाम भी रोशन किया है। नर्सरी की 17 महिला खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने खेल का लोहा मनवा चुकी है वहीं 100 के करीब महिला खिलाड़ी विभिन्न आयु वर्ग में राष्ट्रीय स्तर पर स्वर्ण, रजत व कांस्य पदक जीत चुकी है। इस छात्राओं के खेल व पढ़ाई में श्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए उनके अभिभावकों में खुशी की लहर है व उन्होंने इनके शानदार प्रदर्शन के लिए कोच व अध्यापिका स्नेहलता का धन्यवाद करते हुए सारा श्रेय उनके बेहतर मार्गदर्शन व कुशल प्रबंधन को दिया है। मोरसिंघी पंचायत प्रधान जगदीश ठाकुर के साथ सभी गांववासियों, मोरसिंघी स्कूल प्रधानाचार्य यशपाल जस्टा अभिभावकों व स्कूल अध्यापको ने सभी कि छात्रों, कोच स्नेहलता को बधाई दी है।
सदर विधानसभा क्षेत्र के युवा नेता आशीष ठाकुर की अगुवाई में एक प्रतिनिधिमण्डल उपायुक्त राजेश्वर गोयल से मिला, इस प्रतिनिधमंडल में कुहमझवाड़ पंचायत के प्रधान जगदीश ठाकुर व कुहमझवाड़ पंचायत के उपप्रधान धर्म सिंह ठाकुर विशेष रूप से उपस्थित रहे। प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधीश से मुलाकात कर उनके माध्यम से महामहिम राज्यपाल को ज्ञापन प्रेषित किया। ज्ञापन के माध्यम से युवा नेता ने बताया कि पिछले महीने की 10 तारीख को बिलासपुर जिला के स्वारघाट क्वारन्टीन सेंटर में कुहमझवाड़ पंचायत के लेंगड़ी गांव के हंसराज नामक युवक की मौत हो गई थी। मौत के बाद जनता के विरोध को देखते हुए मुख्यमंत्री हिमाचल प्रदेश सरकार जय राम ठाकुर ने उक्त मामले की मैजेस्ट्रीयल जांच के आदेश जारी किए थे जिसमें एडीएम बिलासपुर को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया था। मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को आदेश जारी किए थे कि उक्त मामले की जांच 5 दिन में पूरी की जाए,पर आज एक महीने का समय बीत जाने के बाबजूद जांच को सार्वजनिक नही किया गया है। आशीष ठाकुर ने ज्ञापन के माध्यम से राज्यपाल के ध्यानार्थ लाया की उक्त परिवार को आज तक उस युवक का मृत्यु प्रमाण पत्र तक नही जारी किया गया है। आशीष ठाकुर ने कहा कि हंस राज की मौत की गुथी सुलझाने के लिए राज्यपाल महोदय खुद हस्तक्षेप करे और सरकार एवम प्रशासन को आदेश जारी करे कि जल्द से जल्द कारवाही अमल में लाई जाए और दोषियों को सजा दिलवाई जाए। स्वास्थ्य विभाग ने बरती थी लापरवाही आशीष ठाकुर ने कहा कि उन्हें सूत्रों के हवाले से ज्ञात हुआ है कि 10 तारीख को जब उस युवक की मौत हुई थी और उसे स्वारघाट क्वारन्टीन सेंटर से क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर लाया गया था तो स्वास्थ्य विभाग द्वारा बहुत बड़ी लापरवाही बरती गई थी और उस युवक को चिकित्सकीय मदद जो मिलनी चाहिए थी उससे वंचित रखा गया। उन्हें मालूम हुआ है कि जैसे ही हंसराज को क्षेत्रीय अस्पताल लाया गया उसे सबसे पहले अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में ले जाया गया फिर वँहा कुछ लोग शोर मचाने लग गए फिर उसे स्ट्रेचर के द्वारा अस्पताल के प्रांगण में लाया गया जंहा लग्भग डेढ़ घण्टे तक उसी स्थिति में वँहा स्ट्रेचर पर रखा गया उसके बाद एक व्यक्ति ने उसे घसीटते हुए दूसरी 108 सेवा की गाड़ी में डाल दिया गया और वह गाड़ी भी अस्पताल में लग्भग 2 घण्टे के लिए खड़ी रही। अगर उक्त युवक को सही समय पर चिकित्सकीय सहायता मिल जाती तो शायद वह युवक आज ज़िंदा होता। आशीष ठाकुर ने स्वास्थ्य विभाग से मांग की है कि 10 मई की सीसीटीवी फुटेज उक्त व्यक्ति के परिवार को सौंपी जाए ताकि सचाई लोगो के सामने आ सके। किसी ने भी नहीं पहुँचाई आज तक आर्थिक मदद युवा नेता ने कहा कि उक्त युवक बहुत ही निर्धन परिवार से सम्बन्ध रखता है,मौत के बाद आज तक सरकार और प्रशासन की तरफ से किसी भी तरह की आर्थिक मदद उक्त परिवार को नही पहुंचाई गई। युवा नेता नर कहा कि उन्हें पूर्व विश्वास है कि राज्यपाल महोदय इस मामले में खुद हस्तक्षेप करेंगे और उक्त परिवार को न्याय मिलेगा और दोषियों के खिलाफ कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। अगर 15 दिनों में जांच सार्वजनिक न हुई तो होगा आंदोलन ग्रामीणों ने कहा कि अगर 15 दिनों में उक्त मामले की जांच को पूर्ण कर सार्वजनिक नही किया गया तो क्षेत्र वासियों के साथ मिलकर एक बहुत बड़े आंदोलन की रूप रेखा तैयार की जाएगी और इस आंदोलन की पूरी जिम्मेदारी प्रदेश सरकार एवम जिला प्रशासन की होगी। इस मौके पर मृतक के दादा गजन राम, भाई देश राज, वार्ड सदस्या सर्लोचना देवी, मुंसी राम, बृज लाल, बाबू राम व कमल किशोर साथ रहे।
टिड्डी दल का प्रकोप होने की स्थिति में इससे निपटने के लिए उपायुक्त राजेश्वर गोयल ने सभी विभागों से आग्रह किया है कि वे आपसी तालमेल के साथ आवश्यक पग उठाए। उन्होंने लोगों से आग्रह किया है कि वे इस आपदा के प्रति सजग रहे व संबंधित अधिकारियों द्वारा बताए गए उपाय व सावधानियां बरतें। टिड्डी दल के प्रकोप की रोकथाम के लिए उन्होंने जिलास्तरीय व उपमंडलस्तरीय कमेटी का गठन किया है। जिलास्तरीय कमेटी के अध्यक्ष अतिरिक्त दंडाधिकारी बिलासपुर तथा उप निदेशक जिला ग्रामीण विकास अभिकरण बिलासपुर, उप निदेशक कृषि बिलासपुर, उप निदेशक उद्यान बिलासपुर व कमाॅडेन्ट होम गार्ड बिलासपुर इसके सदस्य होंगे। उपमंडल स्तरीय कमेटी के अध्यक्ष उपमंडलधिकारी (नागरिक) होंगे व तथा खण्ड विकास अधिकारी, विषयवाद विशेषज्ञ कृषि तथा विषयवाद विशेषज्ञ उद्यान इसके सदस्य होंगे। कृषि उप निर्देशक डाॅ. कुलदीप पटियाल ने बताया कि पडा़ेसी राज्य पंजाब हरियाणा व राजस्थान कुछ क्षेत्रों में मरूस्थलीय टिड्डी दलों का प्रकोप देखा गया है जो कि फसलों व अन्य वनस्पति को अत्यधिक रूप में नुक्सान पहुुॅचाती हैं।
उपमंडल फतेहपुर में अभी भी कई प्रवासी फंसे हुए हैं, इनमे से कुछ प्रवासियों को तो गांवस्तर पर काम मिल रहा है जिस कारण उनका जीवन यापन सही चल रहा हैं। कुछ प्रवासी ऐसे हैं जिन्हें कोई भी काम नही मिल रहा है जिस कारण वो पैसे-पैसे को मोहताज होते हुए प्रशासन से उन्हें अपने घर भेजने की गुहार लगाने के लिए पैदल ही लंबा सफर तय कर उपमंडलाधिकारी के पास पहुंच रहे हैं, लेकिन वहां से भी फिलहाल उनके हाथ निराशा ही लग रही है। ऐसे ही करीब डेढ दर्जन प्रवासी बुधवार को उपमंडलाधिकारी फतेहपुर से मिलने टकोली से पैदल ही फतेहपुर पहुंचे थे। उपमंडलाधकारी से मिलने के बाद छतीषगढ़ से संबंधित प्रवासियो में उमेद राम, अभिषेक, सौरभ, रत्न, गोपाल, राम प्रसाद, राजन, संतोष, ईश्वरी, गौतम, बेनी राम, भैरों चन्द, श्याम लाल, नेत राम, राहुल, शतराम, कर्ल सहित अन्य ने बताया वो टकोली स्थित एसएम ईंट के भट्टे के प्रशासन की मांग पर हिमाचल के टकोली मजदूरी करने करीब 24 फरवरी को आए थे लेकिन कुछ ही दिन मजदूरी करने उपरांत लॉकडाउन दौरान भट्टे का काम बंद हो गया जिस कारण परिवार सहित करीब 52 प्रवासी बेकार हो गए। जैसे-तैसे उनके खाने का प्रबंध तो होता रहा लेकिन पैसों की तंगी कारण उन्हें काफी परेशानियां झेलनी पड़ रही हैं। उन्होंने छतीसगढ़ व हिमाचल प्रदेश की सरकार के साथ-साथ स्थानीय प्रशासन से भी गुहार लगाई है कि उन्हें जैसे तैसे कर अपने-अपने घरों में पहुंचाया जाए ताकि वो वहां पर हल्की-फुल्की खेती कर अपना व परिवार का पालन पोषण कर सकें। काम न मिलने की वजह से उनके पास पैसे भी नही रहे हैं। वहीं ईंट भट्ठा के मुंशी प्रकाश ने बताया ईंट भट्ठा प्रशासन ने ही इन्हें जहां मजदूरी करने बुलाया था लेकिन लॉकडाउन लगने कारण काम पूरी तरह बंद हो गया। वहीं अब कारीगर न मिलने कारण काम फिर भी ठप्प पड़ा है। प्रवासियां के लिए जैसे तैसे करते हुए राशन मुहैया करवाया जाता रहा है, वहीं अब डिपू के माध्यम से भी प्रवासियों को राशन उपलब्ध करवा दिया जाएगा। उन्होंने बताया की जैसे ही प्रशासन की हिदायत उन्हें मिलेगी उसके हिसाब से प्रवासियां के लिए सुविधा उपलब्ध करवा दी जाएगी। वहीं एसडीएम फतेहपुर बलवान चंद मंडोत्रा ने बतायाः छतीसगढ़ के प्रवासियों की प्रशासन द्बारा पहले भी एक लिस्ट मांगी गई थी, लेकिन फतेहपुर से छतीसगढ़ के किसी भी प्रवासी का नाम नही आया था। लेकिन अब छतीसगढ़ के प्रवासी सामने आए हैं तो इन्हें अपनी लिस्ट सबंधित पटवारी के पास देने के लिए कहा गया है, ताकि छतीसगढ़ के लिए चलने वाली अगली ट्रेन से इन्हें अपने घर भेजा जा सके।
बिलासपुर पुलिस की सुरक्षा शाखा टीम ने एक बार फिर नशे के खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक करते हुए बड़ी खेप पकड़ने में सफलता हासिल की है। सुरक्षा शाखा की इस टीम ने चिट्टे की आज तक कि सबसे बड़ी खेप पकड़ी है। गौरतलब है कि कुछ दिन पूर्व ही इस टीम ने भांग की बड़ी खेप 1 किलो ग्राम पकड़ने में सफलता हासिल की थी भांग की यह खेप भी तीन वर्षों में सबसे बड़ी खेप थी जिसके बाद आज इस टीम ने जिला में चिट्टे की सबसे बड़ी खेप पकड़ने में सफलता हासिल की। मिली जानकारी के अनुसार सुरक्षा शाखा की टीम ने मुख्य आरक्षी सुरेन्द्र कुमार, आरक्षी प्रदीप कुमार व आरक्षी बाबू राम ने राष्ट्रीय उच्च मार्ग चंडीगढ़ मनाली पर नालियां गांव के समीप नाका लगा रखा था। इसी दौरान कीरतपुर की तरफ से एक व्यक्ति पैदल चला आ रहा था। जैसे ही इस व्यक्ति की नजर पुलिस पर पड़ी युवक ने भागने की कोशिश की लेकिन भागते भागते सड़क पर गिर पड़ा युवक के गिरते ही इस के हाथ से एक पैकेट सड़क पर गिर गया। पुलिस की टीम ने उक्त व्यक्ति को वहीं सड़क पर पकड़ लिया जब उक्त युवक की तलाशी ली गई तो उसके पैकट से 194.68 ग्राम चिट्टा बरामद किया। गौरतलब हो कि जिला बिलासपुर की सुरक्षा शाखा की टीम ने चिट्ठे की सबसे बड़ी खेप पकड़ने में सफलता हासिल की है। आरोपी व्यक्ति की शिनाख्त रणधीर कुमार (35) पुत्र जगत राम निवासी गांव व डाकघर अमरपुर जिला बेगूसराय बिहार के रूप में हुई है। सुरक्षा शाखा की टीम ने इस व्यक्ति को हिरासत में ले कर पुलिस थाना स्वारघाट के सुपुर्द कर दिया है। पुलिस ने उक्त व्यक्ति के खिलाफ मादक द्रव्य अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगामी करवाई शुरू कर दी है।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शिमला संसदीय क्षेत्र की वर्चअुल रैली को सम्बोधित करते हुए कहा कि देश प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सुरक्षित है और भारत ने अपने पुराने वैभव को पुनः हासिल किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि विश्व के सबसे ताकतवर देशों के नेताओं ने भी नरेन्द्र मोदी कुशल नेतृत्व का लोहा माना है। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 को हटाना केवल दृढ़ राजनैतिक इच्छाशक्ति से ही संभव था और आज देश ने एक संविधान और ध्वज है। इसी प्रकार तीन तलाक को लेकर लिया गया निर्णय भी ऐतिहासिक है, जिसके कारण मुस्लिम महिलाओं का शोषण बंद हुआ है और उनके सशक्तिकरण का मार्ग प्रशस्त हुआ है। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के इस दौर में एक बार फिर यह साबित हो गया है कि देश प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के हाथों में सुरक्षित है। प्रधानमंत्री की राजनैतिक दूरदृष्टि के कारण देश में कोविड-19 के कारण मृत्यु दर अन्य विकसित देशों की तुलना में काफी कम है। उन्होंने कहा कि 27 मई, 2020 को प्रदेश सरकार ने अपने कार्यकाल के अढ़ाई वर्ष पूरे कर लिये। यह कार्यकाल उपलब्धियों भरा रहा है, जिसका श्रेय प्रदेश के प्रत्येक निवासी को जाता है। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रधानमंत्री ने कोविड-19 महामारी के कारण प्रभावित हुई देश की आर्थिक स्थिति को बहाल करने के लिए 20 लाख करोड़ रुपये का आर्थिक पैकेज दिया है, जिसका लाभ हिमाचल प्रदेश को भी मिला है। उज्ज्वला योजना के अन्तर्गत तीन महीनों की अवधि के लिए 1.36 लाख गैस सिलेण्डर मुफ्त में प्रदान किए गए हैं। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अन्तर्गत प्रदेश के 8.74 लाख किसानों को दो-दो हजार रुपये प्रदान किए गए हैं। प्रधानमंत्री जन-धन योजना के अन्तर्गत पात्र 5.90 लाख महिलाओं के खातों में अप्रैल, मई व जून माह के लिए 500-500 रुपये की राशि जमा की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने अपना उत्तरदायित्व निभाते हुए देश के विभिन्न हिस्सों में फंसे हिमाचलवासियों को वापस लाने के प्रयास किए, जिसके परिणामस्वरूप 1.80 लाख से अधिक लोगों को वापस लाया जा चुका है। इसके कारण राज्य में कोरोना मामलों में वृद्धि हुई, लेकिन इसके बावजूद स्थिति नियंत्रण में है और बाहरी राज्यों से वापिस आने वाले लोगों को संस्थागत अथवा होम क्वारंटीन में रखने के समुचित प्रबन्ध किए गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने भी सक्रिय मामलों की जांच के लिए आरम्भ किए गए प्रदेश के अभियान को सराहा है और अन्य राज्यों को भी हिमाचल प्रदेश से सीख लेने की सलाह दी है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर संकल्प शपथ भी दिलाई। दिल्ली से वर्चुअल रैली को सम्बोधित करते हुए केन्द्रीय विधि, सूचना एवं प्रसारण और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि हिमाचल प्रदेश केवल देवभूमि ही नहीं, अपितु वीर भूमि भी है क्योंकि कारगिल युद्ध में प्रदान किए गए कुल चार परमवीर चक्र में से दो हिमाचल के बहादुर सैनिकों को प्रदान किए गए थे। उन्होंने कहा कि स्वतंत्र भारत का पहला परमवीर चक्र भी हिमाचल के कैप्टन सोमनाथ शर्मा को ही प्रदान किया गया था। केन्द्रीय मंत्री ने एक स्वतंत्र एजेंसी द्वारा सर्वश्रेष्ठ मुख्यमंत्री आंके जाने पर जय राम ठाकुर को बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह साबित होता है कि मुख्यमंत्री हिमाचल प्रदेश को देश का सबसे अधिक विकसित राज्य बनाने की दिशा में समर्पण के साथ कड़ी मेहनत कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के कारण जो 15 देश सर्वाधिक प्रभावित हुए हैं उनकी जनसंख्या 12 करोड़ है और 4,04,396 मौतें हुई हैं। दूसरी ओर भारत की जनसंख्या 137 करोड़ है और कोरोना के कारण अभी तक कुल 7745 लोगों की मृत्यु हुई है। रविशंकर प्रसाद ने कहा कि भारत में कोरोना के कारण मृत्यु दर कम होने की वजह प्रधानमंत्री द्वारा समय से लाॅकडाउन का निर्णय लेना है। केन्द्र सरकार ने गरीबों के लिए 1.70 लाख करोड़ रुपये का पैकेज घोषित किया है और इसके साथ-साथ विश्व का सबसे बड़ा 20 लाख करोड़ रुपये का पैकेज भी दिया गया है ताकि देश की आर्थिक व्यवस्था पुनर्जीवित की जा सके। उन्होंने कहा कि पिछले 6 वर्षों में विभिन्न योजनाओं के अन्तर्गत पात्र निर्धन लोगों के खातों में 11 लाख करोड़ रुपये की राशि डाली गई है। केन्द्रीय राज्य वित्त एवं काॅरपोरेट मामले मंत्री अनुराग ठाकुर ने भी दिल्ली से इस रैली में भाग लिया। सांसद सुरेश कश्यप ने धन्यवाद प्रस्ताव रखा। मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार, प्रदेश भाजपा महासचिव एवं जन संवाद रैली के संयोजक त्रिलोक जमवाल ने केन्द्रीय मंत्री और मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए कहा कि इस पहली वर्चुअल रैली में संचार के विभिन्न माध्यमों से लगभग दो लाख यूजर्स को जोड़ा गया। उन्होंने कोविड महामारी से निपटने के लिए प्रदेश सरकार को भरपूर सहयोग देने के लिए पार्टी कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त किया। शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डाॅ. राजीव सैजल, मुख्य सचेतक नरेन्द्र बरागटा, विधायक सुख राम चैधरी, बलबीर वर्मा, राकेश जमवाल एवं रीना कश्यप, बाल कल्याण परिषद की महासचिव पायल वैद्य, शिमला नगर निगम की महापौर सत्या कौंडल, उप महापौर शैलेन्द्र चैहान, राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के उपाध्यक्ष बलदेव तोमर, हिमफैड के अध्यक्ष गणेश दत्त और सक्षम गुड़िया बोर्ड की अध्यक्ष रूपा शर्मा सहित शिमला संसदीय क्षेत्र के अन्य नेता इस अवसर पर उपस्थित थे।
बी एल सेंट्रल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कुनिहार की दसवीं कक्षा का वार्षिक परीक्षा परिणाम सराहनीय रहा है। जानकरी देते हुए विद्यालय अध्यक्ष ने बताया की विद्यालय से दसवीं कक्षा की टॉपर शगुन सिंह ने 673/700(96.1) % अंक लेकर विद्यालय में प्रथम स्थान, और हिमाचल प्रदेश में उनीन्स्वां स्थान प्राप्त किया है। धृति शर्मा ने 672/700(96)% अंक लेकर दूसरा स्थान व् हिमाचल में 20वां स्थान, नैंसी ने 671/700 (95.8%) अंक लेकर विद्यालय में तीसरा स्थान व हिमाचल में 21वां स्थान, महक शर्मा ने 669/700 (95.5%) अंक लेकर विद्यालय में चौथा स्थान व् हिमाचल में 23वां स्थान, लक्षिता ने 661/700 (94.4%) अंक लेकर विदयालय में पांचवां स्थान व् हिमाचल में 31वां स्थान, भानुप्रिया ने 644/700 ( 92%) अंक लेकर विद्यालय में छटा स्थान, सुमेधा शर्मा ने 629/700 (89.8%) अंक लेकर वद्यालय में सातवाँ स्थान व् हिमाचल में 63वां स्थान, सूर्याश ने 618/700 (88.2%) अंक लेकर विद्यालय में आठवाँ स्थान व् हिमाचल में 74वां स्थान, अक्षिता ने 617/700 (88.1%) अंक लेकर विद्यालय में नवां स्थान व् हिमाचल में 75वां स्थान, राज आर्यन सोनी ने 612 /700 (87.4%) अंक लेकर विद्यालय में दसवां स्थान व् हिमाचल में 80वां स्थान प्राप्त किया है। विद्यालय अध्यक्ष ने बताया की विद्यालय से दस बच्चो ने 600 से ज्यादा अंक हासिल किए है, 20 बच्चों ने 75% से ज्यादा अंक हासिल किए है, 30 बच्चो की प्रथम स्थान व् 3 बच्चों ने दूसरा स्थान हासिल किया है। इस उपलब्धि पर विद्यालय प्रधान समिति के अध्यक्ष ने बच्चों को व् उनके अभिभावकों को बहुत-बहुत बधाई दी। विद्यालय प्रधानचार्य पुरुषोत्तम लाल, अध्यापक अभिभावक संघ के अध्यक्ष रतन तंवर व सभी सदस्यों ने अच्छे परीक्षा परिणाम के लिए सभी बच्चों तथा उनके अमिभावको को व विद्यालय के अध्यापको को बंधाई दी है। विद्यालय के समन्वयक रामेश्वर ठाकूर व उप प्रधानाचार्या किरण जोशी तथा मुख्याध्यापिका सुषमा शर्मा ने भी उत्तम परीक्षा परिणाम के लिए सभी बच्चों व अध्यापको को बधाई दी है तथा इनकी कड़ी मेहनत व लगन की प्रशंसा की व कहा कि इस विद्यालय का परीक्षा परिणाम हर वर्ष सराहनीय रहता है। ये स्कूल न केवल अन्य गतिविधर्यों में जिला भर में प्रथम रहने के साथ पढ़ाई में भी अव्वल रहता है जिससे विद्यालय व सोलन जिले का नाम प्रदेश भर में रोशन करता रहा है।
उपमंडल की ग्राम पंचायत पलोग के गांव मांजू में हिमाचल पथ परिवहन निगम की बस के चालक व परिचालक को कोराना योद्धा के रूप में पंचायत प्रधान योगेश चौहान द्वारा सम्मानित किया गया। उन्होने कहा कि जहां स्वास्थ्य विभाग, पुलिस, जल शक्ति, सफाई कर्मचारी व अन्य विभागों के कर्मचारी कोराना काल में निडर होकर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। वहीं दूसरी ओर हिमाचल पथ परिवहन निगम के ये कर्मचारी भी किसी कोराना योद्धा से कम नहीं है, जोकि लोगों को अपने गंतव्य स्थान पर पहुंचाने के लिए बिना किसी भय के अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इस अवसर पर पूर्व उपप्रधान अनूप चौहान, समाजसेवी बाबूराम शर्मा, शालिगराम शर्मा, समाजसेविका विनती मुकुल, सुदेश चौहान, भूपाल सिंह छेत्री, नरेंद्र कौशल व अन्य ग्रामीण उपस्थित रहे।
सोमवार देर शाम करीब साढ़े आठ बजे कर्फ्यू समय दौरान जसूर-तलवाड़ा मार्ग पर स्थित उपमंडल फतेहपुर के हाड़ा चौक के समीप एक ट्रैक्टर व वेगनार (निजी गाड़ी) की टक्कर हो गई, जिसमें वेगनार गाड़ी (डीएल-9सीएक्स-2268) में बैठे रिश्ते में लगते जीजा-साला घायल हो गए। बता दें पंचायत दियाना के कस्बा छत्राल (कियारी) संबंधित सनजीवन अपने साले सोमराज के साथ ससुराल क्षेत्र जखाड़ा की तरफ जा रहे थे कि अचानक हाड़ा चौक के समीप हल जोड़े ट्रैक्टर के साथ टक्कर हो गई, जिसमें गाड़ी की ड्राइवर साइड लगभग पूरी तरह तहस-नहस हो गई, जिसमें सनजीवन की टांग पर गहरी चोट आई है, तो वहीं सोमराज को भी चोटें आई हैं। पुलिस में दी शिकायत अनुसार सोमराज ने बताया उक्त चौक के समीप अचानक हल जोड़े हुए ट्रैक्टर ने गाड़ी की ड्राइवर साइड में जोरदार टक्कर मार दी। बताया टक्कर मारने के ट्रैक्टर चालक वहां से भाग निकलने में सफल रहा। वहीं, घायल सनजीवन को राजा का तालाब में स्थित एक निजी अस्पताल में उपचार के लिए दाखिल करवाया गया है। वहीं, पुलिस ने भी मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। जानकारी थाना प्रभारी सुरेश शर्मा ने सांझी की है।
घुमारवीं के छत पंचायत की एक गर्भवती महिला ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली है। महिला ने यह कदम तब उठाया जब परिवार वाले खेतों में काम करने गए थे तो महिला घर पर अकेली थी। परिवार वाले जब खेतों से काम करके वापस घर पर आए तो देखा कि महिला ने फंदा लगा दिया है। परिजनों ने तुंरत महिला को नीचे उतारा पर तब तक देर हो चुकी थी। आनन फानन में परिवार वाले अस्पताल ले गए तो डॉक्टरों ने महिला को मृत घोषित कर दिया गया है। इस 19 वर्षीय महिला ने अपने घर के कमरे में पंखे के साथ फंदा लगाकर आत्महत्या की है। पुलिस ने महिला का शव को कब्जे में लेकर सिविल अस्पताल घुमारवीं में पोस्टमार्टम करवाकर कर परिजनों को सौंप दिया गया है। डीएसपी राजेन्द्र कुमार जसवाल ने मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि हर पहलू को ध्यान में रखकर छानबीन की जा रही है।
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड धर्मशाला के घोषित 10वीं की वार्षिक परीक्षा में मिनर्वा सीनियर सेकेंडरी स्कूल की शगुन शर्मा ने 98.14 प्रतिशत अंक लेकर प्रदेश भर में पांचवा स्थान हासिल कर नाम रोशन किया है। शगुन ने बड़ी होकर डॉक्टर बनने का लक्ष्य रखा है। जिसके लिए वह दिन में 10 से 12 घंटे पढ़ाई करती है। पन्याला गांव की शगुन के पिता संजीव कुमार दयोथ इलाके में फार्मासिस्ट हैं तथा माता दधोल स्कूल में आईटी टीचर हैं। शगुन ने अपनी उपलब्धि का श्रेय मिनर्वा स्कूल के शिक्षकों तथा अभिभावकों को दिया है। मिनर्वा स्कूल के प्रिंसीपल प्रवेश चंदेल ने बेटी के उज्जवल भविष्य की कामना की है।
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड की ओर से मंगलवार को शैक्षणिक सत्र 2019-20 का दसवीं कक्षा का रिजल्ट घोषित कर दिया गया है। एक लाख चार हजार नियमित विद्यार्थियों ने दसवीं की परीक्षा दी थी, जिसमें से 70571 उत्तीर्ण हुए। परीक्षा परिणाम 68.11 फीसद रहा है। टॉप टेन में इस बार 37 विद्यार्थियों ने स्थान बनाया है, बीते वर्ष दसवीं की मेरिट लिस्ट में 39 विद्यार्थियों ने स्थान पाया था। मेरिट में 23 लड़कियां और 14 लड़के हैं। 5617 विद्यार्थियों को कंपार्टमेंट आई है। कांगड़ा जिला के नगरोटा बगवां क्षेत्र के समलोटी की कुमारी तनु ने टॉप किया है। इशान पब्लिक स्कूल हार समलोटी की छात्रा तनु ने 700 में से 691 अंक हासिल किए। दूसरे स्थान पर रहे हमीरपुर के न्यू गुरुकुल पब्लिक स्कूल गोपाल नगर के क्षितिज शर्मा ने 690 अंक हासिल किए।
कोरोना संक्रमण के खतरे के मद्देनजर कुल्लू जिला में अभी तक लिए गए कुल 1524 सैंपलों में से 1444 की रिपोर्ट नेगेटिव आई है, जबकि 76 सैंपलों की रिपोर्ट मंगलवार दोपहर तक प्राप्त नहीं हुई थी। जिलाधीश डाॅ. ऋचा वर्मा ने बताया कि जिला में कोरोना संक्रमण का कोई भी नया पाजीटिव मामला सामने नहीं आया है। जिला में पहले जो 4 पाजीटिव मामले सामने आए थे, उनमें से एक युवक पूरी तरह ठीक हो चुका है और उसे घर भेजा जा चुका है। इस समय जिला में 3 एक्टिव केस हैं। डाॅ. ऋचा वर्मा ने बताया कि कोरोना के खतरे को देखते हुए जिला के विभिन्न क्षेत्रों में नियमित रूप से रैंडम सैंपलिंग की जा रही है। उन्होंने बताया कि जिला में बाहरी राज्यों से आए लोगों को क्वारंटीन किया जा रहा है और स्थानीय निगरानी समितियां ऐसे लोगों पर नजर रख रही है। जिलाधीश ने बताया कि इस समय जिला में 1158 लोग होम क्वारंटीन पर हैं, जबकि 6717 लोग 14-14 दिन का होम क्वारंटीन पूरा कर चुके हैं। डाॅ. ऋचा वर्मा ने सभी जिलावासियों से एहतियात बरतने की अपील करते हुए कहा कि वे मास्क या अन्य फेस कवर लगाकर ही घर से बाहर निकलें और कहीं पर भी भीड़ इकट्ठी न करें। कार्यस्थलों पर भी आपस में पर्याप्त दूरी बनाए रखें तथा अपने हाथों को बार-बार धोएं या सेनिटाइजर का प्रयोग करें।
शहर में कंप्यूटर व्यवसायिओं की online मीटिंग का आयोजन किया गया, जिसमें कोरोना की वजह से बने कारोबारी हालात पर चर्चा की गई। कोरोना के इस दौर में दहशत का माहौल बना हुआ है। कोई भी गैर जरूरी कार्य के बाहर निकलना नहीं चाहता। ऐसे में बाज़ार में ग्राहकों के ना आने से वैसे भी मंदी का दौर चल रहा है और दूसरे हमारा समाज के प्रति भी एक उत्तरदायित्व बनता है कि बाजार में काम से कम भीड़ हो जिस से सामाजिक दूरी का पालन हो सके और कोरोना संक्रमण का खतरा भी कम हो सके। इन सभी बातों को ध्यान में रखते हुए सोलन आई.टी. प्रोफेशनल्स से जुड़े हर कंप्यूटर व्यवसायी ने अपने प्रतिषठानों की समय सीमा 09.06.2020 से ही सुबह 9 बजे से शाम 6 बजे तक का निर्णय किया है। सभी कंप्यूटर प्रतिष्ठान शाम 6 बजे तक ही खुले रहेंगे। ग्राहकों से भी विनम्र निवेदन है कि वह भी अपना सहयोग दें और इस समय सीमा के भीतर ही अपने कार्य निपटा लें। आशा है कि हमारा ये कदम कुछ हद्द तक संक्रमण के बढ़ते खतरे को कम करने में मददगार साबित होगा क्योंकि इस से ग्राहक भी सीमित समय मे अपने कार्य करने के लिए प्रेरित होंगें और अनावश्यक ही बाजार में नहीं घूमेंगे।
बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ने इस वित्त वर्ष में विद्युत दरों को पूर्ववत रखने के लिए मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का आभार व्यक्त किया है। एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय खुराना तथा महासचिव वाईएस गुलेरिया ने इस सम्बन्ध में जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से प्रदेश के उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह का भी आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश विद्युत नियामक आयोग द्वारा इस वित्त वर्ष में विद्युत दरों को न बढ़ाए जाने के निर्णय से उद्योग जगत को कोविड-19 के कारण उत्पन्न संकट से उभरने में सहायता मिलेगी। उन्होंने कहा कि बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ने विद्युत दरें न बढ़ाए जाने को लेकर अपना पक्ष मुख्यमंत्री एवं नियामक आयोग के समक्ष प्रस्तुत किया था। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के इस भविष्योन्मुखी निर्णय से राज्य में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने में सहायता मिलेगी।
जिला दण्डाधिकारी एवं जिला आपदा प्रबन्धन प्राधिकरण सोलन के अध्यक्ष केसी चमन ने जिला के सभी खण्ड विकास अधिकारियों एवं नगर परिषदों के कार्यकारी अधिकारियों को आगामी वर्षा ऋतु के दृष्टिगत आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि मानसून के दृष्टिगत अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में विभिन्न आवश्यक कार्य किए जाएं ताकि वर्षा के कारण संभावित बाढ़ से बचा जा सके। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि जिला के सभी क्षेत्रों में यदि नालियां अवरूद्ध हैं तो उन्हें तुरंत खोला जाए। उन्होंने जिला के विभिन्न नालों एवं प्राकृतिक जल स्त्रोतों सहित विभिन्न जलापूर्ति योजनाओं की सफाई के निर्देश भी दिए हैं। केसी चमन ने निर्देश दिए हैं कि इस सम्बन्ध में विस्तृत तैयारी रिपोर्ट प्रेषित की जाए ताकि जिला स्तर पर विभिन्न तैयारियों की समीक्षा कर उचित निर्देश जारी किए जा सकें। हिमाचल प्रदेश के मुख्य सचिव वीडियो काॅन्फ्रेसिंग के माध्यम से मानसून तैयारी के सम्बन्ध में 10 जून, 2020 को दिन में 12.00 बजे आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करेंगे।
मुख्य डाकघर सोलन में विभिन्न सुविधाओं के लिए सामान्य सेवा केन्द्र का शुभारम्भ किया गया। पोस्ट मास्टर सोलन सुनीता धीमान ने सामान्य सेवा केन्द्र का शुभारम्भ किया। यह जानकारी आज यहां डाकघर सोलन मण्डल के अधीक्षक हेम शंकर ने दी। उन्होंने कहा कि इस सामान्य सेवा केन्द्र के माध्यम से लोगों को मुख्य डाकघर सोलन में पैन कार्ड बनवाना, बीमा की मासिक किश्त जमा करवाना, मोबाइल रिचार्ज, बिजली के बिल जमा करवाना एवं डिश रिचार्ज जैसी सुविधाएं उपलब्ध हो गई हैं। उन्होंने कहा कि इन सेवाओं के आरम्भ होने से लोगों को एक ही स्थान पर डाक एवं अन्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने सभी से इन सेवाओं का लाभ उठाने का आग्रह किया है।
भारतीय जनता पार्टी ने हमीरपुर जिला के पांचों मंडलों के प्रभारी नियुक्त कर दिए हैं जिनमें की प्रदेश कार्यसमिति सदस्य विजय पाल सिंह सोहारु को नादौन मंडल प्रदेश, कार्यसमिति सदस्य रघुवीर सिंह ठाकुर को सुजानपुर मंडल, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य राजेश कुमार को भोरंज मंडल, जिला उपाध्यक्ष अनिल कौशल को बड़सर मंडल एवं जिला उपाध्यक्ष राजकुमार को हमीरपुर मंडल का प्रभारी नियुक्त किया गया है। जिला भाजपा का संगठन आजकल 25 जून को होने वाली संसदीय क्षेत्र की रैली के लिए खूब मेहनत कर रहा है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से विभिन्न स्तरों पर बैठकों के दौर चले हुए हैं। समय-समय पर वरिष्ठ नेताओं द्वारा कार्यकर्ताओं को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पार्टी हाईकमान द्वारा दी गई रणनीति के तहत विभिन्न गतिविधियों से अवगत कराया जाता है। इस बीच भाजपा जिलाध्यक्ष एवं पूर्व विधायक बलदेव शर्मा जी ने हमीरपुर जिला के सभी पार्टी कार्यकर्ताओं से आह्वान किया है कि वह प्रदेश एवं केंद्र की सरकार की उपलब्धियों का लेखा-जोखा अपने मतदान केंद्र पर मौजूद हर व्यक्ति तक पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि पार्टी द्वारा इस कार्य को पूरा करने के लिए उचित सामग्री कार्यकर्ताओं को उपलब्ध करवाई जा रही है। उन्होंने कांग्रेस पार्टी के नेताओं पर संकट के समय में ओछी राजनीति करने एवं देश की जनता को गुमराह करने के आरोप लगाए हैं। उन्होंने यह भी कहा है कि गैर भाजपा शासित प्रदेशों में परिस्थितियां किस तरह बदतर हो चुकी है यह किसी से नहीं छुपा है। इसके बावजूद कांग्रेस के नेता केंद्र एवं प्रदेश की सरकारों को कोसने का काम कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा है कि हमीरपुर जिला भाजपा का संगठन मेहनत एवं ईमानदारी से काम कर रहा है एवं 2022 के चुनावों में हमीरपुर जिला से 5 की 5 सीटें भाजपा की झोली में डालने का लक्ष्य लेकर काम कर रहा है। मीरपुर भाजपा का हर एक कार्यकर्ता अपने-अपने मतदान केंद्र पर घर-घर तक पहुंच बनाएगा एवं केंद्र एवं प्रदेश की जनकल्याणकारी योजनाओं के बारे में लोगों को बताएगा एवं उपलब्धियों को गिनाएगा। उन्होंने कहा कि 25 जून को होने वाली रैली को सफल बनाने के लिए जिला हमीरपुर में संगठन से जुड़े प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी तय है तथा इस रैली को हजारों लोगों तक पहुंचाने के लिए कार्यकर्ताओं को लोगों के साथ संवाद करके एवं सोशल मीडिया का उपयोग करके अधिक से अधिक संख्या में कैसे लोग इस रैली से जुड़े उसके बारे में बताना चाहिए।


















































