कांग्रेस सरकार में सीपीएस रहे आल इंडिया कांग्रेस कमेटी के सचिव तथा घुमारवीं के पूर्व विधायक राजेश धर्माणी ने आरोप लगाया है कि कोरोना महामारी के चलते कुछ भाजपा नेताओं द्वारा मनमानी की जा रही है और अपने प्रभाव का इस्तेमाल करके रेड जोन से आए लोगों को क्वॉरेंटाइन सेंटर से निकालकर उनके घर भेजा जा रहा है। धर्माणी घुमारवीं में पत्रकारों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि घुमारवीं के वर्तमान विधायक द्वारा नैना देवी में क्वॉरेंटाइन किए गए लोगों को घर भेजने के बारे में एक अधिकारी को फोन किया गया। जब उस अधिकारी ने ऐसा करने से मना किया तो अपने प्रभाव का इस्तेमाल करके उक्त विधायक ने उस अधिकारी पर दबाव बनाया और उन लोगों को वहां से निकलवा कर अपने घर भिजवा ही दिया। धर्माणी ने कहा कि इस तरह से यह खतरा और अधिक बढ़ गया है और मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को इस पर संज्ञान लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि रेड जोन से लोग नेताओं की सिफारिश से होम क्वारंटाइन किए जा रहे हैं जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ रहा है। धर्माणी ने कहा कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में राजनीति इतनी हावी हो गई है कि अधिकारियों को स्वतंत्र रूप से कार्य नहीं करने दिया जा रहा जिसका जीता जागता उदाहरण नादौन की एसडीएम को तब्दील करके चंबा भेजना है। उन्होंने कहा कि नादौन की एसडीएम को भाजपा नेता की बात ना माने जाने का दंड दिया गया है। उन्होंने बिलासपुर प्रशासन की प्रशंसा करते हुए कहा कि बिलासपुर जिला प्रशासन ने रेड जोन से आने वाले लोगों को संस्थागत क्वारंटाइन किया जिसकी वजह से चार कोरोना संक्रमित लोगों की पहचान हुई। उन्होंने कहा कि सरकार को चाहिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत के प्रधानों व सदस्यों को भी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध करवाए जाएं क्योंकि इन्हें बार-बार क्वॉरेंटाइन सेंटरों में जाना पड़ता है। जिसकी वजह से ये भी संभावित खतरे में आ जाते हैं। इनकी सुरक्षा का भी प्रबंध किया जाए और इनका बीमा भी किया जाए। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि राधा स्वामी सत्संग ब्यास प्रबंधन से बातचीत की जाए और इनके सत्संग भवन जो मूलभूत सुविधाओं से सुसज्जित हैं को संस्थागत क्वारंटाइन के लिए उपयोग में लाया जाए। स्कूलों को क्वारंटाइन केंद्र बनाने से वहां दाखिला लेने जा रहे छात्रों को संक्रमण का खतरा है। वहीं कई स्कूलों में क्वारंटाइन किए लोग आधारभूत सुविधाओं से भी वंचित हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पर्यटन विभाग के होटलों में कमरों की कम दरें तय करके इस्तेमाल किये जाएं और जो लोग किराया देकर क्वारंटाइन पीयरड में रहना चाहें उन्हें इसकी इजाजत दी जाए।
फतेहपुर उपमंडल के अंतर्गत पौंग डैम जलाशय में शनिवार को एक तैरती हुई लाश मिली जिसे देखकर लोगो मे दहशत फैल गई। लोगों ने इसकी सूचना तत्काल स्थानीय पंचायत व पुलिस थाना फतेहपुर को दी। शव की शिनाख्त शुक्रवार को पौंग जलाशय में डूबे मछुआरे के रूप में हुई । जानकारी के अनुसार गत दिवस जगनोली गांव का रमेश उर्फ गुड्डू नाम का मछुआरा अपने एक सहयोगी के साथ पौंग जलाशय में नाव पर बैठकर जाल लगाने गया था कि नाव में पानी भरने लगा जिस कारण नाव डगमगाने लगी और रमेश ने नाव से छलांग लगा दी जबकि दूसरा सहयोगी नाव पर चप्पू लगाकर किनारे तक पहुंच गया। बाहर निकल कर उसने शोर मचाया तो स्थानीय लोग व प्रशासन मौके पर पहुंच गया। काफी मशक्कत करनी के बाद भी रमेश का कोई अता पता न चला और अंधेरा हो गया। आखिरकार शनिवार सुबह रमेश का शव तैरता हुआ जलाशय के किनारे मिला। पंचायत पूर्व उपप्रधान रणवीर सिंह ने शव की शिनाख्त करते हुए बताया कि शव जगनोली निवासी रमेश उर्फ गुड्डू का ही है। वहीँ फतेहपुर थाना प्रभारी रमेश शर्मा ने बताया कि शुक्रवार को देर तक शव की तलाश की परन्तु अंधेरा होने के कारण कामयावी न मिल सकी। इस बीच शनिवार एन एफ डी आर की टीम को भी बुलाया गया था परन्तु टीम के पहुंचने से पहले ही रमेश उर्फ गुड्डू का शव तैरता हुआ पौंग डैम जलाशय के तट पर मिला। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
कोरोना वायरस के चलते प्रदेश में कर्फ्यू लगा हुआ है और ऐसे में मजदूर व् गरीबो को खाने के लिए तरसना न पड़े इसको लेकर स्थानीय प्रशासन के साथ-साथ धार्मिक संस्थाओं व उपमडल करसोग मे अनेक दानी सज्जन मदद के लिए आगे आ रहे है। वही इसमे महिला मंडल भी अपनी अहम भूमिका निभा रहे है। इसी कडी मे महिला मडल शलोगी द्वारा 5100 रु की राशि एस डी एम करसोग के माध्यम से मुख्यमंत्री राहत कोष मे दी गई व महिला मडल बहल द्वारा 2100रु की राशि रैड क्रास सोसाईटी को दी गई तथा इनके द्वारा लोगो को 300 मास्क भी बांटे गए। इनके साथ समाजसेवी रजनीश ठाकुर भी मौजुद रहे। वहीं महिला मंडल वहल की प्रधान SD ठाकुर ने कहा कि अभी तक उपमंडल करसोग के अनेको महिला मंडलो ने कोरोना वायरस के चलते अपनी अहम भूमिका निभाई है तथा सभी महिला मंडलो ने अपना भरपूर सहयोग दिया है। ऐसे समय में जहां तक संभव हो जरूरतमांदो की मदद के लिए हमें आगे आना चाहिए। इसमे इनके साथ महिला मंडल सचिव सरिता ठाकुर भी उपस्थित रहे।
पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष व विधायक सुखविंद्र सिंह सूक्खू ने कोरोना योद्धा के रूप में कार्य कर रहे अधिकारियों के तबादलों को लेकर सरकार को घेरा है। उन्होंने सीएम जयराम ठाकुर से पूछा है कि भाजपा नेता विजय अग्निहोत्री के दबाव में नादौन की एसडीएम का तबादला चंबा जिले के सलूणी में किस मज़बूरी में किया गया। उन्होंने कहा कि अगर तबादला इतना जरूरी था तो क्या कोरोना संक्रमण खत्म होने के पश्चात नहीं किया जा सकता था। विधायक सुक्खू ने कहा कि ऐसी क्या मज़बूरी थी कि कोरोना योद्धा के रूप में कार्य कर रही आईएएस अधिकारी को बदलना पड़ा। उन्होंने मुख्यमंत्री से पूछा है कि वह स्पष्ट करें कि संबंधित एसडीएम द्वारा सरकार के ही आदेशों की पालना करने के बाद भी क्यों तबादला कर दिया गया। उन्होंने कहा कि बाहर फंसे लोगों को लाने में भी पिक एंड चूज हो रहा है। नादौन पूर्व भाजपा विधायक विजय अग्निहोत्री आपदा प्रबंधन एक्ट की धज्जियां उड़ाने में लगे हुए हैं। सूक्खू ने कहा, सीएम को यह भी स्पष्ट करना चाहिए कि विजय अग्निहोत्री के इशारे पर ही क्यूं कर्फ्यू पास जारी किए जा रहे है। कर्फ्यू पास के लिए आम लोगों को क्यूं इतनी जद्दोजहद करनी पड़ रही है और कांग्रेस से जुड़े लोगों के कर्फ्यू पास क्यूं रद्द किए जा रहे है? एसडीएम नादौन के तबादले के बजाए सरकार को पूर्व विधायक के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए थी क्योंकि, पूर्व विधायक सत्ता की धौंस जमाकर अधिकारियों को डरा धमका रहे हैं। उन्होंने दबाव बनाकर दूसरे प्रदेशों से आए अपने करीबियों को घर में क्वारंटीन कराया हुआ है और जबकि बाकी अन्य लोगों को कॉलेज व स्कूलों में क्वारंटीन करने के नाम पर परेशान किया जा रहा है। सरकार ये दोहरा मापदंड क्यों अपना रही है। सूक्खू ने सीएम से इसकी जांच कराने की मांग की है। साथ आपदा प्रबंधन एक्ट की उल्लंघना के दोषी नेताओं पर मामला दर्ज करने का अनुरोध किया है। सुक्खू ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को सलाह दी है कि प्रदेश में कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए एक कारगर नीति बनाई जानी चाहिए ना कि कोरोना योद्धाओं के तबादलों की सूची। कोरोना योद्धा के रूप में कार्य कर रहे अधिकारियों और कर्मचारियों को मुख्यमंत्री के संरक्षण की जरूरत है ताकि प्रदेश में कोरोना संक्रमण की चेन को तोड़ा जा सके। यही सही मायनों में कोरोना योद्धाओं के लिए सम्मान और पुरस्कार है।
भारतीय जनता पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व द्वारा हिमाचल को एक लाख बीस हजार मास्क वितरण का कार्य शुक्रवार सुलयाली औन्द और ठेहड़ पंचायतों से शुरू हो गया। विधायक राकेश पठानियाँ के दिशा निर्देशों के अनुरूप मंडल अध्यक्ष कुलदीप पाठक और प्रदेश युवा मोर्चा के सचिव भवानी पठानियाँ समूची विधानसभा में कातिल कोरोना के खिलाफ अग्रिम मोर्चे पर डटे रहेंगे और मास्क वितरण में अवश्य दिशा निर्देश देंगे। पार्टी की रीढ़ अर्थात बूथ अध्यक्ष, बूथ लेवल अधिकारी और बूथ पालक विशेष रूप से उपस्थित रहेंगे । कड़ी में आज सुलयाली पंचायत में 2600 औन्द पंचायत में 1100 व ठेहड़ पंचायत में 2200 मास्क वितरित किये गए। विधायक राकेश पठानियाँ ने आहवान किया है कि सभी लोग मास्क पहनने व सामाजिक दूरी का पालन करना सीख लें क्योंकि अब हमे जीवन कोरोना के साथ ही जीना है और जरूरत इस बात की है कि अपनी रोग क्षमता को बढ़ाकर कोरोना को हमे हर हाल में मात देनी है। मास्क वितरण टीम में मंडल अध्यक्ष के अतिरिक्त सुदर्शन लाला, जोगिंदर सिंह, व मंडल सचिव वरुण पठानिया भी उपस्थित रहे।
हिमाचल प्रदेश के ऊना तक रेल जबकि उसके बाद हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम की बसों में कुल 128 लोग आज चंबा जिला की सीमा में प्रवेश कर गए। उपायुक्त एवं जिला मजिस्ट्रेट विवेक भाटिया ने बताया कि जिला के एंट्री पॉइंट पर सभी की स्क्रीनिंग की गई। इसके बाद उन्हें निगम की बसों के जरिए उनके गंतव्य स्थानों के लिए भेज दिया गया है। उन्होंने बताया कि इन 128 में सर्वाधिक 54 लोग चंबा उपमंडल के हैं। जबकि भटियात के 51, डलहौजी के 14, भरमौर के 6, चुराह का 1 व सलूणी उप मंडल के 2 व्यक्ति इसमें शामिल हैं। उपायुक्त ने बताया कि इन सभी लोगों को 14 दिनों के लिए होम क्वॉरेंटाइन किया जा रहा है। यह सभी लोग गोवा से आए हैं और गोवा ग्रीन जोन में आता है। इसीलिए इन्हें संस्थागत क्वॉरेंटाइन के बजाय होम क्वॉरेंटाइन में रहना होगा। उपायुक्त ने बताया कि इन सभी को होम क्वॉरेंटाइन का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्हें यह भी बताया गया है कि उनकी पंच अस्त्र मैकेनिज्म से निगरानी की जाएगी और यदि कोई व्यक्ति इसकी अवहेलना करेगा तो उसके खिलाफ कार्यवाही तो होगी साथ में उसे संस्थागत क्वॉरेंटाइन में भेज दिया जाएगा। विवेक भाटिया ने जानकारी देते हुए बताया कि चंबा जिला में इस समय कुल 55 बफर क्वॉरेंटाइन सुविधाएं मौजूद हैं। इनमें से 37 वर्तमान में एक्टिव हैं और इनमें 797 व्यक्ति रह रहे हैं। इस समय चंबा जिला में उपलब्ध संस्थागत क्वॉरेंटाइन में 2366 लोगों को रखने की क्षमता मौजूद है और इसे और भी बढ़ाया जा रहा है।
क्वारंटाइन केंद्रों में सभी एहतियातों के साथ योगा और व्यायाम की कक्षाएं की जाएं सुनिश्चित : उपायुक्त
चंबा जिला के संस्थागत क्वारंटाइन केंद्रों में रहने वाले लोगों के साथ अब चंबा जिला के उपायुक्त एवं जिला मजिस्ट्रेट विवेक भाटिया वीडियो कॉलिंग के जरिए ऑनलाइन रूबरू रहेंगे। इन केंद्रों में रहने वाले लोगों के साथ दोहरा संवाद कायम करने के मकसद से शुरू इस मुहिम को जिला प्रशासन ने वार्तालाप मुहिम का नाम दिया है। इस मुहिम के तहत उपायुक्त इन केंद्रों में रहने वाले लोगों के साथ वीडियो कॉलिंग करके बातचीत करेंगे। इसके माध्यम से जहां वे उनको पेश आने वाली समस्याओं से अवगत होंगे बल्कि उन्हें संस्थागत क्वारंटाइन के बाद होम क्वारंटाइन के दौरान कौन-कौन सी एहतियातों को बरतना है उसके बारे में भी जागरूक किया जाएगा। इस मुहिम के तहत उपायुक्त ने शेरपुर स्थित क्वॉरेंटीन केंद्र में रह रहे कुछ व्यक्तियों के साथ वीडियो कॉलिंग के माध्यम से बातचीत की। उन्होंने क्वारंटाइन केंद्र के नोडल अधिकारी को कहा कि वह केंद्र में सोशल डिस्टेंसिंग के अलावा अन्य सभी जरूरी एहतियातों के साथ लोगों के लिए सुबह के समय योगाभ्यास जबकि सायं व्यायाम की कक्षाएं सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि इससे ना केवल क्वारंटाइन केंद्र में रहने वाले लोगों का बेहतर समय व्यतीत होगा बल्कि वे शारीरिक और मानसिक तौर पर भी अपने आप को सुदृढ़ कर पाने में पूरी तरह से कामयाब होंगे। उपायुक्त ने बातचीत में उनसे कहा कि वे कोरोना वायरस संक्रमण की गंभीरता को समझते हुए ना केवल संस्थागत क्वॉरेंटीन बल्कि होम क्वारंटाइन में रहते हुए भी बताए गए सभी नियमों का पालन करें। उन्होंने कहा कि ऐसा करने पर ना केवल आपकी अपनी सुरक्षा सुनिश्चित होगी बल्कि आप अपने परिवार को भी कोरोना के इस खतरे से निजात दिला पाने में सक्षम होंगे। उपायुक्त ने कहा कि सोशल डिस्टेंसिंग केे साथ मास्क पहनना और साबुन के साथ हाथ धोना सभी लोग अपनी रोजमर्रा की आदतों में शुमार करें। उपायुक्त ने यह भी कहा कि जिला के सभी संस्थागत क्वारंटाइन केंद्रों में जहां पर व्यक्तियों के सामूहिक तौर पर हाथ छूते हैं उन सभी जगहों को सैनिटाइज करने को लेकर भी पूरी गंभीरता बरती जाए। विवेक भाटिया ने जोर देते हुए कहा कि इस समय यह लड़ाई बीमारी के साथ है। जो व्यक्ति संक्रमित रहे थे या जो क्वारंटाइन केंद्रों में रह रहे हैं उनके प्रति आसपास के समुदाय और समाज का दृष्टिकोण और सोच सकारात्मक रहनी चाहिए। बाहर से आने वाले व्यक्तियों को संस्थागत क्वारंटाइन केंद्रों में इसलिए रखा जाता है ताकि उनकी चिकित्सकीय जांच होने के साथ-साथ यह देखा जाए कि उनमें कोरोना के लक्षण तो नहीं हैं। निगरानी में तय अवधि पूरी करने के बाद वे होम क्वॉरेंटीन में भी 14 दिन नियमों का पालन करेंगे। सरकार द्वारा मेडिकल का यह प्रोटोकॉल इसलिए निर्धारित किया गया है ताकि सोशल डिस्टेंसिंग और अन्य जरूरी एहतियातों के साथ हम कोरोना वायरस को पूरी तरह से हरा सकें।
कोरोना वायरस संकट के दृष्टिगत अतिरिक्त उपायुक्त सोलन विवेक चंदेल ने इस जागरूकता एवं मार्गदर्शन सत्र को सम्बोधित करते हुए कहा कि कोरोना वायरस संकट के कारण देश में लॉकडाउन एवं प्रदेश में घोषित कर्फ्यू के दिशा-निर्देशों से सभी भली-भांति परिचित हैं। उन्होंने कहा कि बार्बर का कार्य समाज के लिए बहुपयोगी है और इस दृष्टि से यह आवश्यक है कि न केवल बार्बर अपितु समाज के सभी वर्ग प्रदेश सरकार एवं जिला प्रशासन को सहयोग प्रदान करें। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में जब भी प्रदेश सरकार द्वारा बार्बर की दुकान एवं सैलून खोलने का निर्णय लिया जाएगा तो बार्बर एवं सैलून संचालकों को कुछ दिशा-निर्देशों का पालन करना होगा। इनका उद्देश्य सभी को कोरोना वायरस के खतरे से बचाना है। सत्र में भारतीय प्रशासनिक सेवा की परिवीक्षाधीन अधिकारी डॉ. निधि पटेल तथा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मुक्ता रस्तोगी ने बार्बर को आवश्यक दिशा-निर्देशों एवं सावधानियों के बारे में अवगत करवाया। बार्बर को बताया गया कि कार्य आरम्भ होने पर उन्हें ग्राहकों को ऑनलाइन या फोन पर समय लेने के लिए कहना होगा और सीधा दुकान अथवा सैलून पर आकर कार्य करवाने से बचना होगा। इसका उद्देश्य यही है कि एक समय पर दुकान अथवा सैलून में ग्राहक एकत्र न हों। उन्हें बताया गया कि ग्राहकों के मध्य कम से कम 02 मीटर की दूर बनाए रखने की व्यवस्था अनिवार्य रूप से रखनी होगी। प्रत्येक ग्राहक के जाने के उपरांत कुर्सी को एक प्रतिशत सोडियम होइपोक्लोराइट घोल से स्वच्छ किया जाना आवश्यक है। उनसे आग्रह किया गया कि ऐसे ग्राहकों को कार्यस्थल अथवा सैलून में आने से मना करें जो खांसी, बुखार, सांस लेने में तकलीफ, बहती नाक या गले में खराश जैसे लक्षणों का सामना कर रहे हों। बार्बर को बताया गया कि कार्य करने वाले व्यक्ति को मास्क, टोपी एवं दस्ताने पहनना अनिवार्य होगा। केवल डिस्पोजेबल दस्ताने, तोलिया तथा गाउन का प्रयोग ही किया जा सकेगा। कंघी, ब्रश, रोलरर्स, स्ट्रीकिंग कैप, क्लिपर्स, गार्ड और कैंची इत्यादि को साफ करके सूखी स्थिति में रखना होगा। सभी उपकरणों को पहले साबुन और पानी से धोना होगा एवं तदोपरांत एल्कोहल अथवा स्पीरिट से उपचारित करना होगा। सभी से आग्रह किया गया कि बिना साफ किए गए उपकरणों का प्रयोग न करें। सैलून संचालको एवं बार्बर को बताया गया कि दुकान अथवा सैलून के प्रतीक्षा क्षेत्र में कोई पत्रिका एवं खाने का सामान न रखें। दुकान के दरवाजों के हैंडल, रैलिंग, कुर्सियां, ग्राहक काउंटर और भुगतान उपकरण जैसे उच्च स्पर्श सतहों को साफ और कीटाणूरहित रखें। वॉशरूम को भी साफ और कीटाणूरहित रखें। सभी बार्बर एवं स्टाईलिस्ट कर्मी को लिखित में यह प्रस्तुत करना होगा कि उन्हें फ्लू जैसा कोई लक्षण नहीं है और वे पिछले 14 दिनों से न तो राज्य से बाहर गए हैं और न ही किसी कोरोना संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए हैं। भारतीय प्रशासनिक सेवा की परिवीक्षाधीन अधिकारी रीतिका, सहायक आयुक्त भानु गुप्ता सहित शहर के बार्बर एवं सैलून संचालक सत्र में उपस्थित थे।
कोविड-19 कोरोना वायरस के खतरे के दृष्टिगत 23 लोग आज गोआ से बिलासपुर पहुंचे। यह लोग गोआ से ऊना तक विशेष रेलगाड़ी के माध्यम से आए, उसके उपरांत इन्हें हिमाचल पथ परिवहन निगम की बस द्वारा बिलासपुर लाया गया। इनमें से 21 पुरूष और 2 महिलाएं शामिल है। बिलासपुर पहुँचे लोगों ने चैन की सांस ली और घर पहुँचाने के लिए प्रदेश सरकार का आभार प्रकट किया। सभी 23 व्यक्तियों को स्वास्थ्य प्रशिक्षण के उपरांत जीवन ज्योति नर्सिंग स्कूल चांदपुर में इंस्टीट्यूटनल क्वार्टआइन में रखा गया है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बद्दी नरेश कुमार शर्मा ने बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ (बीबीएन) क्षेत्र में सभी से आग्रह किया है कि वे वैश्विक महामारी कोविड-19 के खतरे को कम करने एवं इस संकट से प्रभावी रूप से निपटने के लिए स्थानीय प्रशासन एवं पुलिस को सहयोग दें तथा क्षेत्र में चोरी-छिपे विभिन्न पंगडंडियों इत्यादि से प्रवेश करने वाले बाहरी व्यक्तियों की सूचना पुलिस को प्रदान करें। नरेश कुमार शर्मा क्षेत्र की ग्राम पंचायत बरोटीवाला तथा भटोलीकलां में इस सम्बन्ध में ग्राम पंचायत प्रधानों एवं ग्रामीणों को जागरूक कर रहे थे। नरेश कुमार शर्मा ने कहा कि कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार सभी एहतियाती उपाय अपनाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस दिशा में बाहरी राज्यों से अपने घर पहुंच रहे व्यक्तियों के विषय में स्थानीय स्तर पर जानकारी आवश्यक है। इसके लिए जरूरी है कि ग्राम पंचायत स्तर पर प्रधानों एवं सचिवों तथा वार्ड स्तर पर पार्षदों को इन व्यक्तियों के आने एवं होम क्वारेनटाइन की सूचना हो। उन्होंने सभी ग्राम पंचायत प्रधानों से आग्रह किया इस दिशा में जागरूक रहें और पूरी जानकारी प्रशासन एवं पुलिस के साथ साझा करें। उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति होम क्वारेनटाइन नियम का उल्लंघन करता है तो इसकी सूचना पुलिस को दें। ऐसे व्यक्ति को संस्थागत क्वारेनटाइन किया जाएगा और उसके विरूद्ध विधि सम्मत कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। नरेश कुमार शर्मा ने कहा कि जिला पुलिस विभिन्न पगडंडियों एवं छिपे रास्तों से क्षेत्र में आने वाले व्यक्तियों को रोकने के लिए प्रयासरत हैं। इस दिशा में पूर्ण सफलता जन सहयोग से ही सम्भव है। उन्होंने आग्रह किया कि ऐसे छिपे रास्तों के बारे में पुलिस को भी जानकारी दें और स्वयं भी इनकी निगरानी करें ताकि ऐसा कोई भी व्यक्ति क्षेत्र में प्रवेश न पा सके जो कोरोना संक्रमित हो। उन्होंने इस अवसर पर क्षेत्रवासियों को अन्य विभिन्न जानकारियां प्रदान की और उनकी शंकाओं का समाधान किया। इस अवसर पर पंचायत प्रधान, सचिव तथा ग्रामवासी उपस्थित थे।
गणपति एजुकेशनल सोसाइटी कुनिहार विशेष अध्ययन केंद्र इग्नू विश्वविद्यालय ने जनवरी 2020 सत्र के लिए प्रवेशित लर्नरो के लिए विशेष परिचय सभा का आयोजन किया। यह परिचय सभा विशेषत: टेलीफोन कॉल द्वारा पूरी की। यह कदम अध्ययन केंद्र द्वारा कोविड-19 के संक्रमण को देखते हुए लिया। केंद्र के समन्वयक रोशन लाल शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि अधिकतर विद्यार्थी ग्रामीण परिवेश से सम्बंधित है इसलिए परिचय सभा का माध्यम उनके साधनों के अनुरुप चुना गया। इस माध्यम से लर्नरो को इग्नू शिक्षा प्रणाली तथा अध्ययन काल में विद्यार्थी तथा केंद्र की भूमिका पर प्रकाश डाला गया। मुख्यता काउंसलिंग की उपयोगिता असाइनमेंट प्रस्तुतिक़रण परीक्षा अनुसूची ऑनलाइन सुविधा पर प्रकाश डाला गया साथ ही विद्यर्थियों द्वारा पूछे प्रशनो के उत्तर भी दिए गए। समन्वयक रोशन लाल शर्मा ने बताया कि जून 2020 परीक्षा का स्थगन हुआ है तथा आगामी जानकारी हेतु विद्यार्थी विश्वविद्यालय की वेबसाइट , अध्ययन केंद्र के सम्पर्क में रहे।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डा. राजीव बिन्दल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कोरोना महामारी से निपटते हुए जिस प्रकार देश के किसानों, श्रमिकों और आम व्यक्ति के हितों को ध्यान में रखकर 20 लाख करोड़ रुपये के आर्थिक पैकेज की घोषणा की है वह शानदार है। आर्थिक पैकेज के तीसरे चरण में किसान को समृद्ध करने के लिए एक शानदार घोषणा की गई है। किसान की पैदावार को स्टोर करने के लिए, उत्पादन की बिक्री सही दाम पर हो इसके लिए 1 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान करना किसान के, पशुपालन को सुदढ़ व लाभकारी बनाने के लिए 15,000 करोड़ रुपये व पशुओं के टीकाकरण के लिए 13 हजार करोड़ रुपये व मधुमक्खी पालन के लिए 500 करोड़ रुपये व किसान की फसलों की डाईवर्सिफिकेशन के लिए, हबर्ल खेती के लिए 4000 करोड़ रुपये का प्रावधान करना देश के किसान को खड़ा करेगा। इसी तरह फूड इकाइयों को मजबूत करने के लिए और लोकल ब्रांड के लिए 10-10 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। मछली पालन के लिए 20 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान अर्थात किसान को मदद करने सहित कुल करीब 2 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। उन्होंने कहा कि आर्थिक पैकेज के दूसरे चरण में किसानों और श्रमिकों के भोजन, आवास और उनकी अन्य जरूरतों को ध्यान में रख एक बहुत बड़े पैकेज का ऐलान वित्त मंत्री श्रीमती सीतारमण व श्री अनुराग ठाकुर द्वारा घोषित किया गया है। उन्होंने कहा कि वन नैशन वन राशन कार्ड और किसान के्रटिड कार्ड के तहत 30 हजार करोड़ रुपये रुपये का ऐलान अपने आप में बहुत बड़ी सेवा है। डा. बिन्दल ने कहा कि वन नैशन, वन राशन कार्ड गरीब और जरूरतमंद लोगों विशेष कर प्रवासी श्रमिकों के लिए वरदान सिद्ध होगी। अब श्रमिक अपने मूल प्रदेश के बाहर भी राशन सुविधा का लाभ उठा सकते हैं। उन्होंने कहा कि फंसे हुए प्रवासियोें के लिए अगले दो महीने तक निशुल्क अनाज का वितरण केन्द्र सरकार द्वारा सुनिश्चित बनाया जा रहा है। इस कार्य पर 3,500 करोड़ रुपये दो महीने में खर्च किए जाएंगे। इस योजना के तहत 5 किलो अनाज और एक किलो चना प्रति परिवार दिया जाएगा लगभग 8 करोड़ फंसे हुए प्रवासियों को लाभ हेागा। उन्होंने कहा कि आर्थिक पैकेज के तहत श्रमिकों/शहरी गरीबों के लिए सस्ती रेंटल हाउसिंग काॅम्पलेक्स बनाए जाने का प्रावधान अत्यंत प्रशंसनीय हैं। उन्होंने कहा कि किसानों को रियायती ब्याज दर पर संस्थागत ऋण प्रदान करने के लिए किसान क्रेडिट कार्ड 2 लाख करोड़ रुपये का रियायती ऋण दिए जाएंगे। इस वास्ते किसानों के लिए 30 हजार करोड़ रुपये की अतिरिक्त इमरजेंसी वर्किंग कैपिटल फंडिंग का प्रावधान किया गया है। इससे लघु और सीमांत किसानों को मिलेगा लाभ मिलेगा। इसके तहत ग्रामीण सहकारी बैंकों और आआरबी के तहत लगभग 3 करोड़ किसानों ज्यादातर छोटे किसानों को लाभ होगा। डा. बिन्दल ने कहा कि आर्थिक पैकेज में एमआईजी के लिए सीएलएसएस के विस्तार के माध्यम से आवास क्षेत्र को 70 हजार करोड़ रुपये का प्रोत्साहन दिये जाने का प्रावधान किया गया है। पहले से जारी सीएलएसएस को 31 मार्च 2021 तक किया बढ़ाया गया है और अभी तक 3.32 लाख परिवार इसका लाभ उठा चुके हैं। उन्होंने 1500 करोड़ रुपये के मुद्रा शिशु लोन के प्रावधान पर भी प्रसन्नता जाहिर करते हुए कहा कि इसके तहत मुद्रा के तहत आने वाले छोटे व्यवसाय सबसे अधिक लाभान्वित होंगे। इसी प्रकार स्टीट वेंडर्स के लिए 5000 करोड़ रुपये के विशेष क्रेडिट सुविधा प्रदान करने का प्रावधान किया जा रहा है। क्योंकि कोविड के कारण स्टीट वेंडरों की आजीविका पर प्रतिकूल प्रभाव पडा है और एक माह के भीतर यह योजना शुरू कर दी जाएगी। इससे करीब 50 लाख स्ट्रीट वेंडरस लाभान्वित होंगे। डा. बिन्दल ने कहा कि विरोधी दल अगर अपनी वोटों की राजनीति को अलग रख दे तो उन्हें इन सौगातों का स्वागत करना पड़ेगा। कांग्रेस के केन्द्रीय नेता व प्रदेश के नेता इस राहत पैकेज से ध्यान बंटाने के लिए तरह-तरह के अनर्गल बयानबाजी में लगे है। पिछले एक शताब्दि में ऐसा संकट देश पर नहीं आया और न ही कभी इतना बड़ा राहत पैकेज किसी ने दिया जिसमें किसान, बागवान, मजदूर, रिक्शा, ऑटो चलाने वाला, छोटा रोजगार करने वाला, ठेला लगाने वाला, खमचा लगाने वाला, उद्योग में भवन, सड़क निर्माण के काम करने वाला मजदूर, छोटा उद्योग धंधा करने वाला व्यक्ति सभी लाभान्वित हुए हैं। कांग्रेस नेतृत्व के अभाव में, देशहित के दृष्टिकोण के अभाव में व प्रदेश कांग्रेस के नेता अपनी सुपरमेसी की जंग में गरीब का नुकसान करने पर आतुर हैं।
भारतीय जनता पार्टी ने प्रदेश स्तर पर बाहर से आने वाले हिमाचलियों की व्यवस्थाओं की देखभाल के लिए एक उच्च स्तर समिति का गठन किया है। इस समिति को दायित्व दिया है कि वह सभी क्वारेंटाइन सेंटर जाकर वहां की व्यवस्था देखें और जहां भी सहयोग की जरूरत हो प्रशासन का सहयोग करें। इस कड़ी में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डा. राजीव बिन्दल ने सिरमौर जिला भाजपा अध्यक्ष विनय गुप्ता के साथ कालाआंब में स्थापित क्वारेंटाइन सेंटर का दौरा किया और प्रदेश सरकार की ओर से प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं को बेहतरीन बताया। डा. बिन्दल ने इस अवसर बताया कि क्वारेंटाइन सेंटर में चिकित्सक, पैरा मैडिकल, पुलिस कर्मी व कोविड 19 में अपनी सेवाएं प्रदान कर रहे अन्य कर्मी समर्पण भाव से अपनी सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सेंटर में भोजन व्यवस्था, स्वच्छता व्यवस्था सुचारू है तथा बाहर से आने वाले सभी हिमाचलियों का का कोविड -19 टेस्ट किया जा रहा है। डा. बिन्दल ने क्वारेंटाइन सेंटरों में बेहतरीन व्यवस्था जुटाने के लिए मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर सरकार को बधाई देते हुए कहा कि प्रदेश सरकार मुस्तैदी से कार्य करते हुए कोरोना महामारी की जंग में दृढ़ इच्छा शक्ति के साथ बेतहरनी सेवाएं और व्यवस्थाएं प्रदान कर रही है। ज्ञातव्य रहे कि क्वारेंटाइन सेंटरों में बाहर से आने वाले हिमाचलियों के सहयोग के लिए राम स्वरूप शर्मा, सांसद मंडी संसदीय क्षेत्र की अध्यक्षता में प्रदेश में एक कमेटी का गठन किया गया है जिसमें चारों संसदीय क्षेत्रों में राकेश शर्मा, वीरेन्द्र चैधरी, संजय सूद के साथ रामस्वरूप को प्रभारी बनाया गया है। भाजपा के 17 जिलों में 17 अध्यक्ष और 34 महामंत्री इस कार्य के लिए लगाए गए है। हिमाचल प्रदेश से बाहर जाने वाले प्रवासी मजदूरों के बारे में भी समुचित व्यवस्था भाजपा सरकार द्वारा की गई है।
उपायुक्तों को पंचायती राज संस्थानों और शहरी स्थानीय निकायों के चुने हुए प्रतिनिधियों के साथ उचित समन्वय बनाए रखना चाहिए, ताकि वह अपने संबंधित क्षेत्रों में बाहरी राज्यों से आने वाले लोगों के आगमन के बारे में अग्रिम जानकारी प्रदान कर सकें। यह बात मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने कोरोना वायरस के दृष्टिगत वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के दौरान सभी जिलों के उपायुक्तों, पुलिस अधीक्षकों और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों से कही। मुख्यमंत्री ने ‘निगाह’ टीम को आशा कार्यकर्ताओं और अन्य स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के साथ बाहरी राज्यों से आने वाले लोगों के परिवारों को उनके आने से पूर्व ही उचित सामाजिक दूरी और पृथीकरण (आईसोलेशन) के महत्व के बारे में जागरूक करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वह यह भी सुनिश्चित करें कि होम क्वारन्टीन के अंतर्गत आने वाले व्यक्तियों के लिए अलग शौचालय के अलावा सामाजिक दूरी बनाए रखने के लिए पर्याप्त आवास सुविधा उपलब्ध हों। उन्होंने कहा कि यदि उनके पास ऐसी सुविधा उपलब्ध नहीं है, तो पंचायतों द्वारा उन्हें उचित क्वारन्टीन के नियमों के अनुसार रहने की सुविधा उपलब्ध करवाई जानी चाहिए। जय राम ठाकुर ने कहा कि रेड जोन से आने वाले सभी लोगों को संस्थागत क्वारन्टीन में रखा जाएगा और पांच-सात दिनों के बाद उनके कोविड परीक्षण के उपरांत, रिपोर्ट नेगेटिव पाए जाने पर ही उन्हें होम क्वारन्टीन के लिए स्थानांतरित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ऑरेंज और ग्रीन जोन के क्षेत्रों से आने वाले लोगों को होम क्वारन्टीन में रखा जाए और उनका रेंडम परीक्षण किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि होम क्वारन्टीन के लिए फुलप्रूफ मैकेनिज्म बनाने की आवश्यकता है, क्योंकि किसी भी प्रकार की ढील नुकसानदेह साबित हो सकती है। उन्होंने कहा कि होम क्वारन्टीन के नियमों का उल्लंघन करने वालों से सख्ती से निपटा जाना चाहिए। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश में अब विकासात्मक कार्य शुरू कर दिए गए हैं, इसलिए यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि लोक निर्माण विभाग, जल शक्ति विभाग, ग्रामीण विकास विभाग और मनरेगा के श्रमिकों को कफ्र्यू में छूट अवधि के उपरांत भी कार्य करने की अनुमति दी जानी चाहिए। इससे उन्हें विभिन्न विकासात्मक कार्यों को निर्धारित समय पर पूरा करने के लिए पर्याप्त समय उपलब्ध सकेगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 20 लाख करोड़ रुपये के आर्थिक पैकेज की घोषणा के उपरांत बैंक कर्मियों को भी सामान्य रूप से कार्यालय में कार्य करने की आवश्यकता है, ताकि इस आर्थिक पैकेज का सही से उपयोग किया जा सके। उन्होंने कहा कि इन्हें कफ्र्यू के दौरान भी स्वतन्त्र आवागमन की अनुमति प्रदान की जानी चाहिए।
हिमाचल प्रदेश के पर्यटन उद्योग पर कोरोना महामारी का सबसे ज्यादा असर पड़ा है। यदि हम अन्य पर्यटन राज्यों की बात करें तो गोवा, राजस्थान, कर्नाटक, केरल, इन राज्यों के पर्यटक स्थलों में मार्च से लेकर नवंबर तक ऑफ सीजन रहता है, परंतु हिमाचल का मुख्य सीजन अप्रैल-मई तथा जून में होता है। इस दौरान सभी पर्यटन कारोबारियों का सारे वर्ष की लगभग 60% से भी अधिक रेवेन्यू अप्रैल मई और जून के दौरान ही एकत्रित किया जाता है जिससे पर्यटन इकाइयों को सारे वर्ष के लिए फिक्स्ड खर्चों को वहन करने में मदद मिलती है। अप्रैल तथा मई का महीना हमारे हाथों से खिसक चुका है। पर्यटन से जुड़े लोग उम्मीद कर रहे थे कि शायद पंजाब हरियाणा तथा चंडीगढ़ ग्रीन जोन में आ गए तो हमारा जून के महीने से कुछ व्यापार चल पड़ेगा परंतु इन सभी राज्यों में कोविड के केस बढ़ रहे हैं जिसके कारण इन राज्यों के बॉर्डर खुलने की उम्मीद नहीं की जा सकती। इस प्रकार होटल यदि दोबारा से संचालित करने हो तो उसके लिए कम से कम 2 से 3 महीने का टाइम लग सकता है क्योंकि दोबारा से होटल मेंटेनेंस करवाने तथा अन्य इंतजाम करने होटल को नई गाइडलाइंस के मुताबिक सारे सेफ्टी मैजर्स का प्रावधान करने में समय लगेगा। इसी तरह टूरिस्टो की आमद सितंबर तथा अक्टूबर में बढ़ती है, जब बंगाल तथा गुजरात से अधिकतर पर्यटक हिमाचल घूमने आते हैं, परंतु यह दोनों राज्य के कारण बहुत अधिक प्रभावित है। यही कारण है कि हिमाचल में पर्यटन शुरू होने में कम से कम 1 वर्ष का समय लग सकता है। इतन लंबा समय सरकार की मदद के बिना काटना असंभव है। इस कारण टूरिस्ट इंडस्ट्री पर काले बादल मंडराने लगे हैं। सभी पर्यटन से जुड़े स्टेक होल्डर इस बात से बहुत चिंतित है। पर्यटन एक ऐसा उद्योग है जो कि अन्य उद्योगों या दुकानों की तरह खुलते ही शुरू हो जाए ऐसा नहीं है। इस को पटरी पर लाने में समय लगता है। यह भी निश्चित है कि जब तक कोविड 19 की कोई वैक्सीन नहीं आ जाती तब तक पर्यटक घूमने से परहेज करेंगे। समय रहते इसका समाधान न किया गया तो पर्यटन उद्योग को बचाना नामुमकिन हो जाएगा। यदि हम माने की हालत सुधरते ही यह सब कुछ खुल जाए तो भी सरकार को टूरिज्म इंडस्ट्री को आने वाली 1 वर्ष के लिए कई तरह की रियायत देनी पड़ेगी ताकि पर्यटन उद्योग दोबारा से अपने पैरों पर खड़ा हो सके। इन्हीं सब बिंदुओं को नजर में रखते हुए TOURISM INDUSTRY STAKE HOLDERS ASSOCIATION ने 9 सदस्यीय कमेटी का गठन किया है जो कि सरकार को इस मौजूदा हालात में पर्यटन उद्योग को कैसे पटरी पर लाए, टूरिज्म यूनिट के खुलने के बाद आने वाली परिस्थितियों का क्या उपाय किया जाए, सरकार की तरफ से क्या मदद की आवश्यकता पड़ेगी तथा सरकार द्वारा क्या कदम उठाए जाएं ताकि डोमेस्टिक टूरिज्म को बढ़ावा दिया जा सके, इन सभी बिंदुओं को लेकर रिपोर्ट तैयार कर दो हफ्तों के भीतर सरकार को सबमिट करेगी ताकि पर्यटन उद्योग को जीवित रखा जा सके। इस 9 सदस्यी कमेटी में होटल चैप्टर, रेस्टोरेंट्स चैप्टर, एडवेंचर स्पोर्ट्स तथा रूरल टूरिज्म चैप्टर से विभिन्न सदस्यों को शामिल किया गया है तथा इसके अलावा दो एडवाइजर भी बनाए गए है। इस कमेटी में अनिल भारद्वाज, यात्रा अध्याय; राज चौहान, यात्रा अध्याय; नीरज गुप्ता, होटल cgcape; पार्टप चौहान, ग्रामीण पर्यटन अध्याय; अनिल सकिया साहसिक अध्याय; आदित्य पाल सिंह रेस्तरां अध्याय; राहुल चावला होटल चैप्टर; पानी बरसाती पानी के खेल और साहसिक अध्याय व निशांत नाग एडवेंचर चैप्टर को सदस्य चुना गया है। साथ ही अनिल वालिया होटल अध्याय व मोहिंदर सेठ प्रेजिडेंट Tourism Industry Stake holders Association को सलाहकार के रूप में चुना गया है। इसी तरह मोहिंदर सेठ एसोसिएशन ऑफ हॉस्पिटैलिटी एंड टूरिज्म के संयोजक ने सभी 19 एसोसिएशन को भी सूचित किया है वह भी इस प्रकार की कमेटियों का गठन कर सुझाव दें ताकि सरकार की समक्ष एक विस्तृत रिपोर्ट सभी एसोसिएशन की तरफ से स्टेट फोरम द्वारा सबमिट की जा सके।
प्रदेश सरकार के सघन प्रयासों से वैश्विक महामारी कोविड-19 के खतरे के मध्य चेहरे पर संतोष का भाव लिए हुए 37 लोग बुधवार को गोवा से सोलन पहुंचे। यह सभी प्रदेश के उन 1473 व्यक्तियों में से हैं जिन्हें विशेष रेलगाड़ी द्वारा गोवा से ऊना लाया गया। ऊना से ये 37 लोग प्रदेश पथ परिवहन निगम की बसों में परवाणू पहुंचे जहां स्वास्थ्य परीक्षण के उपरांत इन सभी को संस्थागत क्वारेनटाइन किया गया है। इन 37 लोगों में 33 पुरूष व 04 महिलाएं हैं। गोवा में होटल व्यवसाय से जुड़े 28 वर्षीय युवा ललित शर्मा मूल रूप से सोलन तहसील के सेर बनेड़ा गांव के रहने वाले हैं। उन्होंनेे परवाणू पहुंचने पर प्रदेश सरकार का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि संकट की इस घड़ी में प्रदेश सरकार अन्य राज्यों में रह रहे हिमाचलियों के लिए मसीहा बनकर उभरी है। उन्होंने कहा कि ऐसे समय में घर तक पहुंचाने के लिए वे राज्य सरकार का धन्यवाद करते हैं। उन्होंने कहा कि विपरीत परिस्थितियों में जहां प्रदेश सरकार का साथ मिला वहीं परवाणू तक पहुंचाने में विभिन्न अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने पूर्ण सहयोग प्रदान किया। गोवा में ही होटल व्यवसाय से जुड़ी 23 वर्षीय ऊषा कसौली तहसील की कुम्मारहट्टी के बाड़ा गांव की रहने वाली है। अपने प्रदेश पहुंचने पर उन्होंने राज्य सरकार का धन्यवाद किया। सोलन के रबौन के रहने वाले 24 वर्षीय शुभम शर्मा गोवा में एक दुकान में कार्यरत हैं। उन्होंने कहा कि संकट के इस समय में वे राज्य सरकार के सकारात्मक दृष्टिकोण के कारण ही अपने घर तक पहुंचे हैं। इससे पूर्व बैंगलूरू से एक विशेष रेलगाड़ी के माध्यम से भी हिमाचल के लोग ऊना तक पहुंचे थे। इनमें से सोलन जिला के विभिन्न स्थानों के रहने वाले 59 लोगों को इन्डोर स्टेडियम बद्दी में संस्थागत क्वारेनटाइन किया गया है। इन 59 लोगों में से नालागढ़ उपमंडल की रामशहर तहसील के रन्धाला गांव के रहने वाले रूपलाल, लूनस के रहने वाले वीर सिंह तथा नालागढ़ के रहने वाले कमल ने अपनी गृह जिला पहुंचाने के लिए प्रदेश सरकार का आभार व्यक्त किया। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी विवेक चंदेल ने इस सम्बन्ध में अधिक जानकारी देते हुए बताया कि प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार देश के अन्य राज्यों से विशेष रेलगाडि़यों के माध्यम से सोलन जिला के निवासियों को विशेष रूप से निर्धारित संस्थागत क्वारेनटाइन स्थलों तक पहुंचाया जा रहा है। अभी तक बैंगलूरू तथा गोवा से सोलन जिला से संबंधित 96 लोगों को लाया गया है। उन्होंने कहा कि इन सभी व्यक्तियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया जा रहा है और प्रदेश सरकार के दिशा-निर्देशानुसार इन्हें क्वारेनटाइन सुविधा में रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन कोविड-19 के खतरे के दृष्टिगत सभी दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए यह सुनिश्चित बना रहा है कि सोलन जिला में सभी एहतियाती उपाय पूर्ण हों और लोगों को किसी असुविधा का सामना न करना पड़े।
लाॅकडाउन के दौरान प्रदेश सरकार के साथ-साथ विभिन्न सामाजिक एवं स्वैच्छिक संस्थाओं द्वारा गरीब व जरूरतमंदों को राशन व आवश्यक वस्तुएं निरंतर उपलब्ध करवाई जा रही है। शिक्षा, विधि एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश भारद्वाज ने शिमला के बैनमोर वार्ड के फाईव बैंच क्षेत्र में हेल्पेज इंडिया संस्था द्वारा बुजुर्गों एवं जरूरतमंद लोगों को खाद्य एवं स्वच्छता सामग्री वितरण आयोजन के अवसर पर यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि हेल्पेज इंडिया संस्था राष्ट्रीय स्तर पर बुजुर्गों की सेवा के लिए तत्पर रहती है। उन्होंने बताया कि आज बुजुर्ग व उनके परिवारजनों के लिए यहां 40 खाद्य व स्वच्छता किटें प्रदान की गई। उन्होंने बताया कि इस किट में परिवार के लिए चावल, आटा, मलका, दाल चना तथा काले चना दाल, रिफाईंड, सरसों का तेल, सोया बड़ी, नमक, हल्दी पाउडर, मिर्ची पाउडर, गर्म मसाला, रेड लेबल चाय, चीनी, डिटरजेंट साबुन, डिटरजेंट पाउडर तथा साबुन शामिल हैं। इसके अतिरिक्त मास्क व गलब्स भी इन्हें प्रदान किए गए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार लाॅकडाउन के दौरान प्रत्येक व्यक्ति तक खाद्य एवं आवश्यक वस्तुएं पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस दौरान कोई व्यक्ति भूखा न रहें इस संदर्भ में सरकार द्वारा भरसक प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि विगत दिनों जाखू में अग्निकांड से प्रभावित तीन परिवारों को कंबल आदि भी प्रदान किए गए। हेल्पेज इंडिया के हिमाचल राज्य प्रमुख डाॅ. राजेश ने बताया कि प्रदेश व शिमला के विभिन्न क्षेत्रों में लाॅकडाउन के दौरान बुर्जुगों व उनके परिवारों को सरवाईवल किट प्रदान की जा रही है। उन्होंने बताया कि शिमला शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में बुजुर्गों को राशन किट प्रदान की जाएगी। उन्होंने बताया कि जिला शिमला में 406 राशन व स्वच्छता सामग्री किट वितरित की जाएगी, जिसके तहत 1600 लोग इससे लाभान्वित होंगे। इस दौरान महापौर नगर निगम सत्या कौंडल, उप-महापौर शैलेन्द्र चैहान, बैनमोर पार्षद डाॅ. किमी सूद, जाखू वार्ड की पार्षद अर्चना धवन, मण्डलाध्यक्ष राजेश शारदा, हेल्पेज इंडिया के प्रोग्राम मैनेजर आनंद कुमार, होम केयर मैनेजर कुशल सिंह, हाउसिंग बोर्ड वेलफेयर एसोसिएशन बैनमोर के अध्यक्ष सीपी मेहता, उपाध्यक्ष राम दास, महा सचिव सुर्जन सिंह भी उपस्थित थे।
सदर विधानसभा क्षेत्र के युवा कांग्रेस नेता एवं प्रदेश महासचिव आशीष ठाकुर और उनके युवा साथियों ने बिलासपुर जिला के कोरोना योद्धायों को पुष्प देखर सम्मानित किया। इस कड़ी में युवाओं ने श्री नैना देवी जी विधायक राम लाल ठाकुर, सदर उपमंडलाधिकारी रामेश्वर, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के अधिकारियों व कर्मचारियों को, पुलिस के नोजवानों को, जिला प्रशासन के कर्मचारियों को व पत्रकारों को सम्मानित किया। इस मौके पर राम लाल ठाकुर ने युवाओं को सेनेटाइज़र भेंट किए। इस मौके पर युवा नेता आशीष ठाकुर के साथ समाजसेवी कमल किशोर, आशिफ हुसैन, अभय, रजत मौजूद रहे। युवा नेता ने कहा कि कोरोना योद्धायों ने इस वैश्विक महामारी में बहुत अहम भूमिका निभाई है। ये लोग अपनी जान की परवाह किए बिना जिस तरह रात दिन लोगो की सेवा में जुटे हुए है यह बहुत ही सराहनीय है। उनके कार्य को देखकर युवा नेता और उनकी टीम ने उन्हें सम्मानित करने का निर्णय लिया। युवा नेता ने कोरोना योद्धायों ओर उनके परिवार के कुशलक्षेम के लिए भगवान से प्राथना की ओर लोगो से अपील की है कि वो अपने घरों पर रहकर अपने दायित्व का निर्वहन करे ताकि इस वैश्विक महामारी पर शीघ्र अति शीघ्र नियंत्रण पाया जा सके।
कांग्रेस के पूर्व मंत्री जीएस बाली ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक पोस्ट शेयर करते हुए कहा कि उन्हें ज्ञात हुआ कि हिमाचल सरकार बसों का किराया डेढ़ गुना बढ़ाने पर विचार कर रही है। उन्होंने सरकार के इस फैसले पर हैरानी जताते हुए कहा कि आम जनता खासकर गरीब तबका जो ज्यादातर बसों में सफर करता है करोना संकट से पहले ही आर्थिक और मानसिक रूप से त्रस्त है। लोगों को जीविका उपार्जन के लिए भी जूझना पड़ेगा। इस समय उन पर आर्थिक रूप से वोट डालना कहीं से भी उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि गांव से लोग रोज नौकरी करने शहरों या छोटे कस्बों की ओर जाते हैं किराए में वृद्धि होने से आमद का हिस्सा खर्च हो जाएगा तो कमएंगे क्या? उन्होंने कहा की यदि सोशल डिसटेंसिंग के कारण निजी आपरेटर बसो को वर्तमान किराए पर चलाने के लिए चिंतित हैं तो डीज़ल पर वैट कम करके निजी आपरेटरों को राहत दी जाए, साथ ही सालाना जमा होने वाले करों में भी कमी की जाए। उनका कहना है कि सरकार को किराया न बढ़ाकर इस संकट से उत्पन्न आर्थिक नुकसान को फिलहाल अपने ऊपर झेलना चाहिए न कि गरीब लोगों पर बोझ बढ़ाना चाहिए। गरीबों को अभी रोजगार सुचारू होने, आर्थिकी को पटरी पर लाने घर परिवार के भविष्य की चिंता से पार पाना है।
कुंजूम माता मंदिर कमेटी (लोसर) ने शुक्रवार को अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी ज्ञान सागर नेगी के माध्यम से कोविड फंड में डेढ़ लाख रुपए की राशि चेक के माध्यम से दी। इस मौके पर जिला दंडाधिकारी ज्ञान सागर नेगी ने कमेटी के पदाधिकारियों का आभार जताया। इसके साथ ही कहा कि कोरोना वायरस की आपदा के समय स्पीति में कई लोग इस तरह राहत राशि कोविड फंड में दे रहे है और स्थानीय प्रशासन की मदद भी कर रहे है। कोरोना वायरस को लेकर लोग नियमों का पालन सख्ती से कर रहे है। यही नहीं गृह और संस्थागत संगरोध का पालन भी लोग कर रहे है। इस मौके पर अन्य अधिकारी भी मौजूद थे । कुंजुम माता मंदिर कुंजुम दर्रा लाहुल स्पीति का एक महत्वपूर्ण स्थान है। इस पास के द्वारा स्पीती घाटी में दाखिल होया जाता है। कुंजुम दर्रा का नाम यहाँ पर कुंजुम माता के नाम पर पड़ा है। यह मन जाता है की जिसका मन सच्चा होता है माता उसका हाथ से चिपका हुआ सिक्का माता की मुर्ति में चिपक जाता है। अतः इसकी कारण यहाँ पर श्रद्धालु अपनी आस्था को प्रकट करने क लिए माता की मूर्ति पर सिक्के चिपकाने का प्रयास करते हैं। कुंजुम पास के पास चन्द्र ताल है जोकि राष्ट्रीय राजमार्ग 22 पर स्थित है।
उपायुक्त एवं जिला मजिस्ट्रेट विवेक भाटिया ने जानकारी देते हुए बताया कि चंबा जिला में लॉक डाऊन के दौरान 9718 रसोई गैस के सिलेंडर मुफ्त रिफिल किए जा चुके हैं ताकि गरीब लोगों को असुविधाओं का सामना ना करना पड़े। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत इस अवधि में अब तक 27155 क्विंटल मुफ्त चावल भी गरीब वर्ग के लोगों को मुहैया किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग और नागरिक आपूर्ति निगम को निर्देश दिए गए हैं कि वे सभी आवश्यक खाद्य वस्तुओं और रसोई गैस की आपूर्ति पर्याप्त मात्रा में उपभोक्ताओं तक पहुंचाना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि विभाग के फील्ड स्टाफ निरंतर निगरानी रखें ताकि सभी उपभोक्ताओं तक आवश्यक खाद्य सामग्री पहुंचना सुनिश्चित हो। उपायुक्त ने यह भी बताया कि अब तक जिला के 127398 राशन कार्ड धारकों को 28919 क्विंटल आटा और 19221 क्विंटल चावल उचित मूल्य की दुकानों के माध्यम से उपलब्ध करवाया जा चुका है। इसके अलावा 3409 क्विंटल दालें जबकि 223397 लीटर खाद्य तेल भी उपभोक्ताओं तक पहुंचाया जा चुका है। उपायुक्त ने बताया कि जिला की 539507 की आबादी को सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत लॉक डाऊन के दौरान आटा, चावल दालें, खाद्य तेल, रसोई गैस और अन्य सभी आवश्यक खाद्य वस्तुएं उपलब्ध करवाई जा रही है और इसकी लगातार निगरानी भी हो रही है। उपायुक्त ने कहा कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली का नेटवर्क समूचे जिला में सभी गांवों तक फैला है। ऐसे में डिपो होल्डरों का भी यह दायित्व है कि वे लोगों में सोशल डिस्टेंसिंग के अलावा विशेष तौर से होम क्वारंटीन के सभी नियमों का पालन करने को लेकर लोगों में जागरूकता पैदा करें ताकि कोरोना वायरस संक्रमण से पूरी तरह से हम अपना बचाव करने में सक्षम साबित हो सकें।उन्होंने कहा कि अब होम क्वारंटीन की निगरानी और कड़ी कर दी गई है। कुछ नए नियम जोड़े गए हैं जिनमें होम क्वारंटीन की अवहेलना होने पर व्यक्ति का परिवार भी उत्तरदायी होगा।
अंकुश गुप्ता व उनकी टीम ने समाज सेवा का कार्यों में अपना नाम दर्ज करवाया है। उन्होंने अपनी टीम के साथ एक मुहिम शुरू की है ताकि उनके आसपास कोई भी व्यक्ति भूखा ना रहे। वह 23 मार्च से लगातार इस मुहिम को चला रहे हैं। इस मुहिम के चलते वह 2500 से 3000 लोगों को संजय कॉलोनी में और 200 से 250 लोगों को पीजी सेक्टर 29 में भोजन बांटा रहे है। वह भोजन बनाते व वितरित करते समय social distancing बनाए रखने तथा मास्क व ग्लव्स का प्रयोग करने का पूरा ध्यान रखते हैं। खाने के साथ-साथ उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अरुण सूद के 10000 लोगों को मास्क वितरित किए जो कि sector-29b में बांटे गए। अंकुश गुप्ता की टीम में वार्ड नंबर 20 के पार्षद सत्य प्रकाश देवशालि, अध्यक्ष सतबीर सिंह दीपक शर्मा, सुशील पांडे, शिव राणा, ललित गाबा, गौरव ठाकुर, मनदीप, मनी, विशाल, सौरव, अमित, विराज, सुभाष, लकी व मुकेश शामिल है साथ ही उनके इस प्रयास में उनके मित्र जो ऑस्ट्रेलिया में रहते हैं जिसमें मनोज गुप्ता, परमिंदर, अमन, स्पर्श, सुनील पुरी व कनाडा से सौरभ गुप्ता और रंजीत चौहान के साथ साथ रविंद्र सिंह और ऑफशोर अकाउंटेंट्स अपना योगदान दर्ज करवा रहे हैं। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के पूर्व अध्यक्ष संजय टंडन, मेयर राज बाला मलिक तथा जिला प्रधान मनु भसीन का धन्यवाद किया है जिन्होंने समय-समय पर उनका साथ दिया है।
कोरोना वायरस के चलते प्रदेश में कर्फ्यू लगा हुआ है और ऐसे में मजदूर और गरीबो को खाने के लिए तरसना न पड़े इसको लेकर स्थानीय प्रशासन के साथ-साथ धार्मिक संस्थाओं व उपमडल करसोग मे अनेक दानी सज्जन मदद के लिए आगे आ रहे है। वही महिलाएं भी अपनी अहम भूमिका निभा रही है। इसी कड़ी मे महिला मडल नराहन द्वारा C M राहत कोष मे 4100 रु की राशि एस डी एम करसोग के माध्यम से दी गई। वहीं महिला मंडल नराहन की प्रधान मीना ठाकुर ने कहा कि अभी तक उपमडल करसोग के अनेको महिला मडलो ने कोरोना वायरस के चलते अपनी अहम भूमिका निभाई है तथा सभी महिला मंडलो ने अपना भरपूर सहयोग दिया है। ओर ऐसे समय में जहां तक संभव हो जरूरत मदो की मदद के लिए हमें आगे आना चाहिए।
भारतीय जनता पार्टी अर्की की नगर इकाई की पन्ना प्रमुखों की बैठक वीडियो कांफ्रैंसिंग के माध्यम से हुई। बैठक की अध्यक्षता नगर इकाई के अध्यक्ष नवीन गुप्ता ने की। इस बैठक में प्रदेश उपाध्यक्ष रतन सिंह पाल व अर्की मंडल के अध्यक्ष डीके उपाध्याय विशेष रूप से शामिल रहे। नवीन गुप्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि बैठक में अर्की नगर भाजपा की ओर से लाॅकडाउन के दौरान पीएम केयर फंड व सीएम केयर फंड में राशि जमा करने, फेस मास्क वितरित करने तथा प्रवासी मजदूरों को राशन वितरित करने के बारे में चर्चा की गई। प्रदेश उपाध्यक्ष रतन पाल ने अर्की नगर के कार्यकर्ताओं द्वारा किए गए कार्यों की सराहना की। उन्होने कहा कि अर्की भाजपा मंडल द्वारा महिला मंडल को दिया गया मास्क बनाने का कार्य भी समय पर पूरा कर लिया गया जिसके लिए वे बधाई के पात्र हैं। इस बैठक में प्रभा भारद्धाज, गौरव गुप्ता, मनोज कुमार, राजीव शर्मा, मनसाराम, कांता भाारद्धाज तथा केके भारद्धाज सहित अन्य कार्यकर्ता शामिल रहे।
उपमंडल की ग्राम पंचायत सरयांज के प्रमुख लोग प्रदेश भाजपा के उपाध्यक्ष रतन सिंह पाल से मिले। इस अवसर पर लोगों ने सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए पाल के समक्ष अपने क्षेत्र की समस्याओं को रखा। लोगों ने मूल रूप से उनके क्षेत्र में आ रही पेयजल समस्या को प्रदेश भाजपा उपाध्यक्ष के समक्ष रखा। उन्होने लोगों को आश्वस्त किया कि वे उनकी समस्या को अधिकारियों के समक्ष रखेंगे तथा शीघ्रातिशीघ्र उनका समाधान करवाएंगे। इस अवसर पर अर्की भाजपा के पूर्व मंडलाध्ष्क्ष रमेश ठाकुर, कमल कांत ठाकुर, सोहन लाल, राजेंद्र कुमार, बलदेव, हेतराम, देवी चंद, दयाराम, संवारू राम, मस्तराम, यतेंद्र कुमार व पवन कुमार मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने विगत दिनों प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा राष्ट्र के लिए घोषित 20 लाख करोड़ रुपये के आर्थिक पैकेज की दूसरी श्रृंखला में मुख्यतः समाज के पिछड़े वर्गों विशेषकर प्रवासी मजदूरों, श्रमिकों रेहड़ी-फड़ी वालों, छोटे व्यापारियों व किसानों को अनेक प्रोत्साहन दिए जाने के लिए उनका आभार व्यक्त किया है। जय राम ठाकुर ने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा श्रमिक वर्गों के हितों की रक्षा के लिए उचित धन राशि उपलब्ध करवाई गई है, जिससे प्रदेश सरकार राज्य में रह रहे श्रमिकों को और भी संतोषजनक व्यवस्था कर सकेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘एक राष्ट्र-एक राशन कार्ड’ के सिद्वान्त के अनुसार सभी प्रवासी मजदूर देश के किसी भी कोने में अपने राशन कार्ड के माध्यम से किसी भी उचित मूल्य की दुकान से राशन लेने के लिए अधिकृत हो जाएंगें। उन्होंने कहा कि यह राशन कार्ड की राष्ट्रीय पोर्टेबिलिटी योजना के माध्यम से किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इससे पूरे देश में लगभग 67 करोड लोगों के लाभान्वित होने की सम्भावना है तथा हिमाचल प्रदेश में भी लाखों लोग लाभान्वित होंगे। जय राम ठाकुर ने कहा कि प्रवासी मजदूरों की सुविधा के लिए केन्द्र सरकार ने प्रत्येक प्रवासी मजदूर को बिना राशन कार्ड के भी 5 किलोग्राम गेहूं या चावल तथा एक किलोग्राम दाल उपलब्ध करवाने का निर्णय लिया है, जो एक प्रशंसनीय पहल है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक गरीब विशेषतः प्रवासी व्यक्तियों को घर, बिजली, पानी देने के सरकार के प्रयासों के तहत शहरों में प्रवासी मजदूरों को कम किश्तों पर किराए का मकान/आवास सुविधा उपलब्ध करवाई जाएगी। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार ने ऐसे मुद्रा शिशु ऋण धारकों को, जिन्होने 50 हजार से कम का ऋण लिया है, के लिए 3 माह के लिए किश्त अदा करने की छूट के बाद 2 प्रतिशत की दर से ब्याज उपदान देने का निर्णय लिया है, जो छोटे व्यापारियों व किसानों के लिए वरदान सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि अब इस निर्णय से सभी रेहडी-फड़ी, ठेला इत्यादि लगाने वाले मजदूर 2 से 10 हजार रुपये तक की राशि की ऋण सुविधा के पात्र होंगें। जय राम ठाकुर ने कहा कि केन्द्र सरकार ने ऐसे मध्यम वर्ग के सबसे निचले स्तर की आय में आने वाले परिवारों, जिनकी आय 6 से 18 लाख वार्षिक है, के लिए ऋण आधारित सब्सिडी योजना के तहत दी जा रही सुविधा को वर्ष 2020-2021 तक जारी रखने का निर्णय लिया है, जो ऐसे परिवारों को भारी राहत देगी। उन्होंने कहा कि इस निर्णय से आवास निर्माण क्षेत्र में निर्माण सामग्री, परिवहन तथा कामगारों को बढ़ावा मिलेगा। जय राम ठाकुर ने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा किसानों के लिए भी अनेक प्रोत्साहन घोषित किए गए हैं, जिनमें किसान क्रेडिट कार्ड के माध्यम से आसान ऋण उपलब्ध करवाना है, जिससे प्रदेश के लगभग 8.68 लाख किसान लाभान्वित होंगे। उन्होंने कहा कि यह ऋण मछुआरों एवं पशुपालकों को भी उन्ही शर्तों पर उपलब्ध करवाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि रबी फसलों की कटाई के उपरान्त होने वाले कार्यों के लिए सभी छोटे व मझोले किसानों को नाबार्ड के माध्यम से आपातकालीन कार्यशील पूंजी फंड (Emergency Working Capital Fund) उपलब्ध करवाया जाएगा। प्रदेश के सभी किसान इसका लाभ ले सकते हैं क्युकी प्रदेश में अधिकतर किसान लघु/मध्यम वर्ग से सम्बन्धित हैं। यह कार्य प्रदेश के सहकारी बैंकों व क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों के माध्यम से किया जाएगा।
विधायक सुखराम चौधरी, बलवीर वर्मा तथा परमजीत सिंह पम्मी ने मीडिया में जारी किए गए नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री, विधायक राजेन्द्र राणा तथा विक्रमादित्य सिंह के बयान की कड़ी भत्र्सना करते हुए कहा कि ऐसे समय में जब देश व प्रदेश कोविड-19 जैसी वैश्विक महामारी से लड़ाई लड़ रहा है, उन्हें इस प्रकार की बेतुकी और निराधार बयानबाजी से बचना चाहिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर के नेतृत्व में प्रदेश जहां सरकार कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए प्रभावी कदम उठा रही है वहीं दूसरे राज्यों में फंसे हिमाचलवासियों की घर वापसी के लिए भी विशेष रूप से प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि अभी तक हजारों लोगांे को वापस लाया गया है और सरकार ने उनकी समुचित चिकित्सा जांच के बाद होम क्वारंटीन में रखने की व्यवस्था भी की है ताकि इस वायरस का संक्रमण न फैले। विधायकों ने कहा कि संकट के इस वक्त में विपक्ष की यह जिम्मेदारी बनती है कि वह सरकार का साथ दे लेकिन इसके ठीक विपरीत विपक्ष अभी भी राजनीतिक लाभ उठाने के लिए भ्रामक और निराधार बयानबाजी कर रहा है। लेकिन प्रदेश की प्रबुद्ध जनता स्थिति से भलीभांति अवगत है और कांग्रेस नेताओं के बहकावे में नहीं आएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार लोगों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में हर संभव कदम उठाए जा रहे हैं तथा आम जनता को लाभान्वित करने के लिए भी महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। उन्होंने कहा कि लाॅकडाउन की स्थिति में ग्लोबल इन्वेस्टर्स मीट के परिणामों को लेकर सवाल उठाकर मुकेश अग्निहोत्री जग हंसाई का पात्र बने हैं। उन्हें मालूम होना चाहिए कि प्रदेश सरकार के प्रयासों से हजारों करोड़ रुपये का निवेश आकर्षित हुआ है और कई हजार करोड़ के निवेश प्रस्तावों पर समझौता ज्ञापन भी हस्ताक्षरित हो चुके हैं जिससे न केवल प्रदेश में औद्योगिक विकास होगा बल्कि हजारों लोगों को रोजगार के अवसर भी प्राप्त होंगे। उन्होंने नेता प्रतिपक्ष को सलाह दी है कि वह ओच्छी राजनीति न करें और कोरोना वायरस से निपटने के लिए राज्य सरकार के प्रयासों की सराहना करें और सकारात्मक विपक्ष की भूमिका निभाते हुए अगर कोई प्रभावी सुझाव हों तो प्रस्तुत करें।
धर्मशाला के विधायक विशाल नैहरिया ने प्रेस बयान जारी करते हुए कहा कि कोविड-19 विश्वव्यापी महामारी से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की तारीफ हो रही है। देश को कोविड-19 से बचाने के लिए भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार उत्कृष्ठ कार्य कर रही है, तो हिमाचल प्रदेश में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर जी के नेतृत्व में कोरोना जैसी विश्वव्यापी महामारी से प्रदेशवासियों को बचाने के लिए सरकार दिन-रात लगी हुई है। इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर बधाई के पात्र हैं। कोविड-19 महामारी से देशवासियों की जिंदगी को बचाने के लिए तीन चरणों के लोकडाउन के बीच करीब दो माह से देश में आर्थिक गतिविधियां बंद हैं। इससे देश और देशवासियों को आर्थिक रूप से नुकसान हुआ है, लेकिन इस नुकसान से देशवासियों को बचाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा की गई २० लाख करोड़ रुपये की आत्मनिर्भर भारत अभियान की घोषणा की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इस घोषणा के बाद मध्यम वर्ग को आत्मनिर्भर बनने के लिए सहायता मिलेगी। योजना से देश के गरीब नागरिक, श्रमिक, प्रवासी मजदूर, पशुपालक, मछुआरे, किसान, संगठित क्षेत्र व असंगठित क्षेत्र के व्यक्ति, काश्तकार, कुटीर उद्योग, लघु उद्योग मध्यमवर्गीय उद्योग, होटल तथा टेक्सटाइल इंडस्ट्री से जुड़े लोगों को लाभ मिलेगा। वहीँ पीएम मोदी राहत पैकेज से 10 करोड़ मजदूरों को लाभ होगा, एमएसएमई से जुड़े 11 करोड़ कर्मचारियों, इंडस्ट्री से जुड़े 3।8 करोड़ लोगों, टेक्सटाइल इंडस्ट्री से जुड़े 4।5 करोड़ कर्मचारियों को लाभ मिलेगा। हिमाचल प्रदेश में अधिकतर लोग लघु, कुटीर और मध्यम उद्योगों से ही संबंध रखते हैं। ऐसे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की इस घोषणा के बाद हिमाचलवासियों को खासा लाभ मिलेगा।
बिलासपुर जिले के स्वारघाट में क्वारंटाइन किए गए 12 लोगों में से हमीरपुर के युवक की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है और यह युवक अहमदाबाद से यहां पहुंचा था और उन्हें स्वारघाट में रखा गया था। याब इसे शिवा आयुर्वेद कॉलेज, बिलासपुर शिफ्ट किया जा रहा है। इस बात की पुष्टि उपायुक्त बिलासपुर राजेश्वर गोयल ने की है कि एक व्यक्ति पॉजिटिव पाया गया है जो हमीरपुर का रहने वाला है। यह अपने परिवार के साथ था तो इसकी रिपोर्ट पॉजिटिव है। यह अहमदाबाद से आ रहे थे इसकी पत्नी की रिपोर्ट नेगेटिव है। सिर्फ बच्चे की रिपोर्ट आना बाकी है।
जिला दण्डाधिकारी सिरमौर डॉ०आर के परूथी ने सीआरपीसी 1973 की धारा 144 (1) (2) के तहत निहित शक्तियों का प्रयोग करते हुए विकास खण्ड पांवटा साहिब के क्षेत्र संत तेजा सिंह कॉलोनी से तारुवाला गुरुद्वारा, आदर्श कॉलोनी राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला (छात्र) तारूवाला से संपूर्ण हरिओम कॉलोनी और वार्ड नंबर 13 से रोज ऑर्किड स्कूल तक के संपूर्ण क्षेत्र को कोविड-19 के दो पॉजीटीव मामले सामने आने के बाद सील करने के आदेश जारी किए हैं। उन्होंने बताया कि आपदा की स्थिति को छोड़कर, इस सम्पूर्ण क्षेत्र में सभी प्रकार की आवाजाही व सभी प्रकार के समारोह, प्रदर्शन, बैठके, जलूस, रैली, कार्यशाला, सामुदायिक व सभी प्रकार के धार्मिक आयोजन पर पूर्णतः प्रतिबंध रहेगा। इस दौरान प्रतिबंधित क्षेत्र के अंदर स्थित सभी दुकानें व वाणिज्यिक प्रतिष्ठान बंद रहेंगे। उन्होंने बताया कि सील किए गए क्षेत्र में सभी आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति नगर परिषद् पांवटा साहिब के कार्यकारी अधिकारी द्वारा सुनिश्चित की जाएगी। कार्यकारी अधिकारी नगर परिषद पांवटा सहिब को जिला प्रशासन द्वारा इस कार्य के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। इसके अतिरिक्त समय-समय पर कार्यकारी अधिकारी सम्पूर्ण क्षेत्र को सेनेटाइज भी करेंगे। आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति के लिए कार्यकारी अधिकारी के मोबाईल नम्बर 94180-16613 पर सम्पर्क कर सकते है। उन्होंने बताया कि यदि कोई व्यक्ति इन आदेशों का उल्लंघन करते हुए पाया गया तो उस व्यक्ति के विरूद्व आईपीसी की धारा 269, 270 और 188 तथा आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 51, 54 और 56 के तहत कानुनी कार्यवाही की जाएगी।
उपायुक्त एवं जिला मजिस्ट्रेट विवेक भाटिया ने आदेश जारी करते हुए सायं 7 बजे से लेकर सुबह 7 बजे तक जिले में गैर जरूरी गतिविधियों के लिए आवाजाही पर प्रतिबंध लगाया है। इस प्रतिबंध से आवश्यक जरूरतों और स्वास्थ्य संबंधी कारणों को छूट रहेगी। आदेश में यह भी कहा गया है कि चंबा जिला की सीमा में भी सायं 7 बजे से लेकर सुबह 7 बजे तक गैर जरूरी उद्देश्यों के लिए एंट्री पर भी प्रतिबंध रहेगा। आदेश में सभी एसडीएम को दिए निर्देश दिए गए हैं कि वे ऐसे प्रबंध जिला के एंट्री प्वाइंटों पर करें ताकि यदि कोई गैरजरूरी उद्देश्य से जिला में प्रवेश करना चाहता है तो उसके ठहरने की व्यवस्था सायं 7 बजे के बाद वहीं पर की जा सके। जिला मजिस्ट्रेट ने एक अन्य आदेश भी जारी किया गया है जिसमें यह प्रावधान रखा गया है कि यदि कोई व्यक्ति होम क्वॉरेंटाइन अथवा पंचायत स्तरीय क्वॉरेंटाइन में नियमों की अवहेलना करता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही की जाएगी। इसके अलावा उसे बफर क्वॉरेंटाइन में भेजा जाएगा। आदेश में यह भी कहा गया है कि जिला में ड्राइवरों की आवाजाही को अनुमति दी गई है लेकिन इसमें यह शर्त रहेगी कि वे जब अपनी ड्यूटी पर नहीं होंगे तब वे घर पर ही रहेंगे। यदि कोई ड्राइवर आदेश की अवहेलना करता पाया गया तो उसके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई होगी और उसे 14 दिन के लिए बफर क्वॉरेंटाइन में भेज दिया जाएगा। इस आदेश में अब ये भी प्रावधान भी किया गया है कि यदि कोई व्यक्ति होम क्वॉरेंटाइन या पंचायत स्तरीय क्वॉरेंटाइन में नियमों की अनदेखी करता है तो उस व्यक्ति के परिवार को भी जिसमें उत्तरदायी माना जाएगा और नियमानुसार कार्रवाई भी अमल में लाई जाएगी। जिला के सभी एसडीएम को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने क्षेत्र में डेडीकेटेड बफर क्वॉरेंटाइन सुविधा तैयार रखें ताकि जो लोग नियमों की अवहेलना करेंगे उन्हें क्वॉरेंटाइन केंद्रों में रखा जाएगा।
भारतीय डाक विभाग द्वारा उप डाकघर डलहौज़ी में सामान्य सेवा केंद्र की शुरुआत की गई। सामान्य सेवा केंद्र का शुभारंभ अधीक्षक डाक सेवाएं विजय धीमान ने किया। इस मौके पर विजय धीमान ने बताया कि इस सेवा केंद्र के माध्यम से लोगों को 111 सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी जिनमें आधार सेवा, पैन कार्ड, पासपोर्ट सेवा, एफएएसएसआई लाइसेंस आवेदन, जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र, जीवन प्रमाण पत्र, आईआरसीटीसी टिकट बुकिंग, इलेक्शन, एनपीएस, रोजगार संबंधी सेवाएं, हिमाचल प्रदेश पंच परमाणन, बैंकिंग सेवा, जीवन बीमा प्रीमियम, भारत बिल पेमेंट सेवा और आयकर रिटर्न जैसी सेवाएं भी शामिल रहेंगी। इस मौके पर निरीक्षक डाकघर राकेश सिंह के अलावा राकेश कुमार और शकुन चौना भी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने केंद्रीय विदेश मंत्री डाॅ. सुब्रह्मण्यम जयशंकर से आग्रह किया कि वे मंडी जिला की धर्मपुर तहसील के ग्राम टोर जाजर के दूनी चंद के सुपुत्र मनोज कुमार को हरसंभव मदद प्रदान करने के लिए यूएई के रियाद दूतावास अधिकारियों के साथ मामला उठाएं, जो रियाद में काम कर रहा है और कोविड-19 पाॅजिटिव पाया गया है। जांच और प्रारंभिक उपचार के बाद उसे स्थानीय अस्पताल से छुट्टी दे दी गई और जिस कंपनी में वह काम कर रहा था, उसे वहां से निकाल दिया गया है। केंद्रीय विदेश मंत्री को लिखा पत्र केंद्रीय विदेश मंत्री के साथ दूरभाष के माध्यम से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह लड़का संकट में है, क्योंकि उसे आवश्यक भोजन, दवा आदि उपलब्ध नहीं करवाई जा रही है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री से मनोज कुमार को आवश्यक सहायता प्रदान करने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री ने इस संबंध में केंद्रीय विदेश मंत्री को एक पत्र भी लिखा है। युवक से वीडियो कॉल के माध्यम से की वार्ता इससे पूर्व, मुख्यमंत्री ने मनोज कुमार से वीडियो काॅल कर बातचीत की और आश्वासन दिया कि उन्होंने इस सम्बन्ध में केंद्र सरकार के समक्ष मामला उठाया है और उसे हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी। बागवानी मंत्री महेंद्र सिंह ने भी मनोज कुमार के साथ बात की।
उद्योग एवं श्रम व रोजगार मंत्री बिक्रम सिंह ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा राष्ट्र के लिए घोषित आर्थिक पैकेज का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) के लिए की गई घोषणाओं से हिमाचल प्रदेश को बहुत लाभ होगा और औद्योगिक उत्पादन भी बढ़ेगा। बिक्रम सिंह ने कहा कि वर्तमान में हिमाचल प्रदेश में लगभग 55 हजार एमएसएमई औद्योगिक इकाइयां हैं। यह कुल इकाइयों का 98 प्रतिशत हैं और एमएसएमई की रोजगार सृजन में 93 प्रतिशत भागीदारी है। कुल औद्योगिक उत्पादन में एमएसएमई का हिस्सा 85 प्रतिशत है। इस तरह हिमाचल प्रदेश एक एमएसएमई राज्य है। उद्योग मंत्री ने कहा कि आज की गई घोषणाओं में एमएसएमई की नई परिभाषा जिसमें सूक्ष्म वर्ग (माइक्रो कैटेगिरी) के लिए निवेश की सीमा को 25 लाख रुपये से एक करोड़ रुपये कर दिया गया है तथा टर्न ओवर की सीमा एक करोड़ रुपये तक रखी है, इससे छोटे उद्योगपतियों को लाभ होगा। इसी तरह लघु उद्योगों के लिए निवेश सीमा 5 करोड़ रुपये से 10 करोड़ रुपये कर दी है और मध्यम उद्योगों के लिए 10 करोड़ से 20 करोड़ रुपये कर दी गई है, जिससे उन्हें लाभ होगा। बिक्रम सिंह ने कहा कि एमएसएमई उद्योगों को 3 लाख करोड़ का कर्ज, चार सालों में वापस करना होगा। कर्ज में डूबे लघु उद्योगों को 20 हजार करोड़ रुपये का कर्ज दिया जाएगा, किसी तरह की भी गारंटी की आवश्यकता नहीं होगी। इससे उद्यमियों को कच्चे माल की आपूर्ति तथा अन्य खर्चों के लिए धन उपलब्ध हो पाएगा और अपना कारोबार बढ़ा सकेंगे। उन्होंने कहा कि 200 करोड़ रुपये तक का टैंडर अब ग्लोबल टैंडर नहीं होगा। इससे घरेलू औद्योगिक उत्पादन बढ़ेगा। इसका सीधा लाभ एमएसएमई इकाइयों को होगा। 31 अक्तूबर, 2020 तक कोई गारंटी फीस नहीं होगी। इससे 45 लाख इकाइयों को लाभ मिलेगा। फंड आॅफ फंडस की घोषणा से अच्छे काम करने वाली इकाइयों को प्रोत्साहन मिलेगा। उद्योग मंत्री ने कहा कि ई-मार्केट लिंक की उपलब्धता से एमएसएमई की इकाइयों को अपने उत्पाद की बिक्री में सुविधा मिलेगी। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के अन्तर्गत भारत सरकार द्वारा कर्मचारियों के भविष्य निधि खाते में राशि जमा करने की अवधि तीन महीने और बढ़ा दी गई है।
कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर ने कहा है कि मिली जानकारी के अनुसार कोरोना माहमारी को लेकर सरकार की विफलता दिखाने वाले प्रदेश के 6 पत्रकारों पर पुलिस मामलें बनाने पर प्रशासन की आलोचना की है। उन्होंने कहा है कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ की आजादी पर यह सीधा प्रहार है, जिसे कभी सहन नही किया जा सकता। कुलदीप राठौर ने एक बयान में कहा कि एक तरफ सरकार अभिव्यक्ति की आजादी की बड़ी बड़ी बातें करती है तो दूसरी तरफ इसका गला घोंटने का पूरा प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा है कि आज देश मे मीडिया को सच दिखाने, बोलने और लिखने की आजादी पर जिस प्रकार सेज़ अप्रत्यक्ष प्रतिबंध लगाया गया है वह बड़ी चिन्ता का विषय बन गया है। उन्होंने कहा है कि आज देश में स्वायत्तता एवं संवेधानिक संस्थाओं के अधिकार क्षेत्र का भी हनन किया जा रहा है, जो देश के लोकतंत्र और इसकी आजादी पर सीधा प्रहार है। राठौर ने मीडिया की आजादी पर किसी भी प्रकार के अंकुश की निंदा करते हुए प्रदेश के इन सभी पत्रकारों पर की गई एफआईआर को तुरन्त निरस्त करने की मांग सरकार से की है।
लगभग डेढ़ साल से कुनिहार में अटल आदर्श विद्यालय खुलने में फंसा पेच आखिर निकल ही गया जिससे लम्बे समय से यह स्कूल खुलने की राह देख रहे कुनिहार वासियों को स्कूल खुलने की आस जग गई है। गौर रहे कि 25 जनवरी 2019 को पूर्ण राजत्व दिवस के मौके पर रावमापा छात्र कुनिहार के मैदान में स्वयं मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कुनिहार में अटल आदर्श विद्यालय खोलने की घोषणा की थी जिससे कुनिहार क्षेत्र व साथ लगती दर्जनों पंचायतो के लोगों में भारी खुशी थी। मुख्यमंत्री की इस घोषणा का स्थानीय जनता व सामाजिक संस्थाओं ने तहदिल से स्वागत करते हुए समाचार पत्रों व चैनलों के माध्यम से मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया था लेकिन लोगों में तब निराशा छा गई जब पता चला कि नियमो के अनुसार जिस विकास खण्ड में नवोदय विद्यालय होंगे वँहा यह विद्यालय नही खुलेंगे। लेकिन अब खबरों के मुताबिक कैबिनेट द्वारा अटल आदर्श विद्यालय की गाइड लाइन में संसोधन किया गया है जिसमे अब नवोदय विद्यालय की कंडीशन को हटा दिया गया है। इस खबर से कुनिहार व आसपास के क्षेत्र में खुशी की लहर है। लोगों व सामाजिक संस्थाओं का कहना है कि मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा को पूरा होने का समय आ गया है व अब जल्द ही कुनिहार में अटल आदर्श विद्यालय खोलने की अधिसूचना भी जारी होने की पूरी उमीद है। एयरपोर्ट एडवाइजरी कमेटी के निदेशक तथा जिला मीडिया सह प्रभारी इंद्रपाल शर्मा सहित विभिन्न सामाजिक संस्थाओं सर्व एकता मंच के राजेन्द्र कुमार ठाकुर,नव चेतना संस्था के कुलदीप कंवर, एहसास कल्याण समिति अध्यक्ष रुमित ठाकुर, विकास सभा कुनिहार के अध्यक्ष धनीराम तनवर,सम्भव चेरिटेबल सोसायटी की अध्यक्षा कौशल्या कंवर,हरजिंदर ठाकुर,कुलदीप पंवर सहित लोगों ने एक स्वर में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से आग्रह किया है कि अब शीघ्रातिशीघ्र लम्बे समय से घोषित अटल आदर्श विद्यालय की आधार शिला रखकर क्षेत्र वासियों को इस सौगात से नवाजे जिससे सभी अटकलों को विराम लगे। क्षेत्र के लिए इस सौगात से क्षेत्र वासी आपके सदा आभारी रहेगें। रावमापा छात्र कुनिहार के एस एम सी अध्यक्ष रणजीत ठाकुर के अनुसार विद्यालय सम्बन्धी जमीन व अन्य औपचारिकताएं पूरी कर विभाग को पहले ही भेजी जा चुकी है। अगर अन्य कोई औपचारिकता होगी तो उसे पूरा कर दिया जाएगा। इस बारे जब भाजपा मण्डल अध्यक्ष अर्की देवेंद्र उपाध्याय से बात की गई तो उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर द्वारा अर्की विधान सभा क्षेत्र के कुनिहार में अटल आदर्श विद्यालय खोलने की घोषणा में आ रही दिक्कत लगभग खत्म हो चुकी है।व शीघ्र ही मुख्यमंत्री जी से आग्रह कर इस घोषणा को पूरा करवाया जाएगा।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एवं नाहन के विधायक डॉ. राजीव बिंदल ने जिला प्रशासन को कोरोना वायरस के खतरे के दृष्टिगत पांव द्वारा संचालित 11 हस्त प्रक्षालन मशीनें (फुट ऑपरेटिड हैण्ड वॉश मशीन) भेंट की। डॉ. राजीव बिंदल ने इस अवसर पर कहा कि कोविड-19 के खतरे से निपटने के लिए जन-जन को दीर्घावधि के लिए तैयार रहना होगा। उन्होंने कहा कि इस खतरे से निपटने के लिए हम सभी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा सुझाए मार्ग एवं दिशा-निर्देशों का पूर्ण पालन करना होगा। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि कोविड-19 के दृष्टिगत घर से बाहर एवं सार्वजनिक स्थानों पर 02 व्यक्तियों के माध्यम कम से कम 02 गज़ की दूरी रखें और सदैव फेस मास्क पहने। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि स्वयं को सुरक्षित रखने के लिए अपने हाथ सेनेटाइज करें या साबुन से अच्छी तरह धोएं। डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि यह पांव द्वारा संचालित हस्त प्रक्षालन मशीनें कोविड-19 से बचाव के लिए सुरक्षा की दृष्टि से बेहतर हैं। उन्होंने कहा कि इनके माध्यम से सभी के लिए यही संदेश है कि नियमों का पालन करें, स्वयं भी सुरक्षित रहें और सभी की सुरक्षा में अपना योगदान भी दें। उन्होंने कहा कि इन मशीनों को बघाट बैंक के निदेशक पवन गुप्ता के सुपुत्र द्वारा तैयार किया गया है। डॉ. राजीव बिंदल ने आशा जताई कि जिला प्रशासन सोलन कोविड-19 के खतरे से निपटने के लिए विभिन्न आदेशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित कर आम जन को राहत देने के लिए तत्पर रहेगा। इस अवसर पर प्रदेश खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरूषोत्तम गुलेरिया, बघाट बैंक के अध्यक्ष पवन गुप्ता, सोलन से विधानसभा चुनावों में भाजपा उम्मीदवार रहे डॉ. राजेश कश्यप, जोगिंद्रा बैंक के अध्यक्ष विजय ठाकुर, दुग्ध पशु सुधार सभा के अध्यक्ष रविंद्र परिहार, जिला भाजपा महामंत्री नंदलाल कश्यप, भाजपा मंडल सोलन के अध्यक्ष मदन ठाकुर, उपाध्यक्ष धर्मेंद्र ठाकुर, महामंत्री भरत साहनी, सचिव संजीव मोहन, व्यापार मंडल सोलन के अध्यक्ष मुकेश गुप्ता, उपायुक्त सोलन केसी चमन, अतिरिक्त उपायुक्त विवेक चंदेल सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
पेय जल योजना पनौल-अमरपुर के बारे में घुमारवीं के विधायक राजेंद्र गर्ग द्वारा दिया गया बयान हास्यास्पद है और वह इस बारे में झूठ बोल रहे हैं कि उन्होंने इस योजना का कार्य वर्तमान स्थल पर शुरू होने के समय विरोध किया था। उन्होंने कहा कि गर्ग को कुछ भी बोलने से पहले इन तथ्यों का अवलोकन करना चाहिए। धर्माणी ने कहा कि यह योजना जब 1985 में बननी शुरू हुई और बाद में इसका संवर्धन होने का कार्य शुरू हुआ तब यह क्षेत्र बिलासपुर सदर का हिस्सा था। इस योजना की आधारशिला उस समय के विधायक डॉ बाबू राम गौतम ने रखी थी और इसके संवर्धन की शिला उस समय के मंत्री जे पी नड्डा ने 2009 में रखी थी। गर्ग ने कैसे और कहां विरोध किया यह बात सबकी समझ से बाहर है। धर्माणी ने कहा कि गर्ग का एक विशेष योगदान यह रहा कि जैसे ही यह क्षेत्र घुमारवीँ विधान सभा क्षेत्र का हिस्सा बना। इन्होने अपनी पार्टी के बूथ अध्यक्ष से उनकी जमीन में निर्मणाधीन ओवरहैड टैंक का कार्य रुकवा दिया था और भजपा सरकार बनने के बाद पूर्ण किया जबकि इस योजना को बनाने के लिए स्थानीय लोगों के साथ धर्माणी परिवार ने भी इस योजना के लिए भूमि दान दी थी। पेय जल योजना करंगोड़ा व बाड़ी-मझेड़वां के संवर्धन की प्रस्तावना स्व कर्म देव धर्मानी ने रखी थी जिसे उन्होंने पहली बार विधायक बनने पर दोबारा प्राथमिकता में डाला था। इसकी डीपीआर पूर्व में रही भाजपा सरकार के समय बनी थी तब गर्ग ने इसके सोर्स का विरोध क्यों नहीं किया। अब झूठी वाहवाही लूटने के लिए झूठी खबरें देकर लोगों को भ्रमित करने का प्रयास कर रहे हैं। लेकिन सच यही है कि गर्ग के सपने में भी इस तरह का प्रस्ताव नहीं था। धर्माणी ने कहा कि गर्ग कांग्रेस सरकार के कार्यों का श्रेय लेने के लिए हाथ-पाँव मार रहे हैं जिन कार्यों को पहले रोकने का प्रयास किया था और जब घुमारवीँ ब्लॉक कांग्रेस ने 'ढोल बजाओ-सरकार जगाओ' कार्यक्रम शुरु किया तो दबाव में आकर इस तरह की झूठी ब्यान बाजी की जा रही है। पेयजल योजना पनौल-अमरपुर और पेय जल योजना करंगोड़ा व बाड़ी-मझेड़वां के लोगों को शुद्ध पेयजल मिले इसके लिए रॉ वाटर सीर खड्ड में घुमारवीं शहर से ऊपर की तरफ से उठाने का कार्य कांग्रेस सरकार के समय शुरु किया था, पाइप लाईन डाली गई थी जो कि उच्च मार्ग-103 के विस्तारीकरण कार्य की वजह से रोका गया था। हमारे द्वारा दोनों योजनाओं के लिए रॉ वाटर कॉमन पाईप से लाया जा रहा था जो वर्तमान सरकार ने अलग-2 कर दिया। हमारी प्रस्तावना से यह कार्य 55 लाख में पूर्ण होना था जिसके लिए भजपा सरकार 850 करोड़ खर्च कर रही है और करोडों रू से बने हुए ढ़ांचे बर्बाद हो जाएंगे। जल शक्ति मिशन कोई नई योजना नहीं है सिर्फ कान्ग्रेस सरकार द्वारा शुरु की गई ए आर डी डब्ल्यू पी योजना का नाम बदला है। केंद्र सरकार ने इस योजना में पिछले 4 साल तक एक पैसा भी प्रदेश सरकार को नहीं दिया जिससे उन लोगों को नुकसान हुआ जिनको 4 सालों में इस योजना के तहत लाभ मिलना था। केंद्र व राज्य में भजपा सरकार होने, बिलासपुर से नड्डा का राज्य सभा सांसद व भाजपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष होने, स्थानीय लोक सभा सांसद का केंद्रीय मंत्री होने, महेंद्र धर्मानी का मुख्यमंत्री का ओएसडी होने और त्रिलोक जम्वाल का मुख्यमंत्री का राजनैतिक सलाहकार होने जैसी अनुकूल परिस्थितयों के बावजूद विधायक के तौर पर 3 सालों का कार्यकाल निराशाजनक रहा। विधायक को उपरोक्त क्रित्यों के लिए घुमारवीँ की जनता से क्षमा मांगनी चाहिए क्योकि उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया है।
भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष रत्न सिंह पाल द्वारा अर्की विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत दाड़ला के विभिन्न गांव के विकास हेतु धन उपलब्ध करवाने के लिए दाड़ला पंचायत के प्रधान सुरेंद्र शुक्ला व उपप्रधान लेखराज चंदेल ने उनका आभार व्यक्त किया है। कुछ समय पूर्व शमेली, बरायली और स्यार के लोग गांव की समस्याओं को लेकर अपने लोकप्रिय नेता रत्न सिंह पाल से मिले थे जिसमें शमेली गांव के लोगों ने दाड़लाघाट से स्तोटी शिव नगर रोड़ व डवारु से शमेली गांव को लिंक रोड के लिए धन उपलब्ध करवाने की मांग की थी। उस संपर्क मार्ग हेतु 2,50,000 रुपये रत्न सिंह पाल ने सरकार से स्वीकृत करा लिया है और बरायली के लोगों ने दाड़लाघाट से स्तोटी शिव नगर रोड से बरायली प्रायमरी स्कूल तक लिंक रोड को धन उपलब्ध कराने की डिमांड की थी। इस संपर्क सड़क हेतु भी रत्न सिंह पाल ने 100,000 सरकार से स्वीकृत करवा लिया है। स्यार काटली जावी के लोग स्यार से जावी तक रोड़ को पक्का करने बारे मांग की गई थी तो अभी प्रथम चरण में स्यार से एसवीएम स्कूल तक रौड को पक्का करने के लिए 400,000 रुपये रत्न सिंह पाल ने सरकार से इस लिंक रोड को स्वीकृत करा लिया है। एसवीएम स्कूल तक पक्का होने के बाद दूसरे चरण में एसवीएम से जावी को भी पक्का करने के लिए धन उपलब्ध कराने को भी रत्न सिंह पाल ने आश्वासन दिया है। दाड़लाघाट पंचायत के लिए प्रदेश उपाध्यक्ष 7,50,000 रुपये की डिमांड की गई थी इन लिंक रोड की मांगों को भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष रत्न सिंह पाल ने पूरा किया है। इसके लिए दाड़लाघाट से पंचायत प्रधान सुरेंद्र शुक्ला, उप प्रधान लेख राज चंदेल, पंचायत सदस्य नरेंद्र चोधरी, पंचायत सदस्य अरुण गौतम, पंचायत सदस्य पुष्पेंद्र, बालक राम शर्मा, नरेश गौतम, राकेश गौतम, जगदीश शुक्ला, बंटू शुक्ला,बिंदु शर्मा, अनिल, पवन, ओम प्रकाश, हेम राज, पवन शर्मा, राजेश गौतम, गोरी शंकर, भगत राम, तारा चंद, बालक राम, पवन, मुनीश, नरेश, वीरेंद्र कुमार, धनी राम भटी, नरेश शर्मा ओर दाड़लाघाट पंचायत के समस्त लोगों की तरफ से रत्न सिंह पाल का बहुत बहुत धन्यवाद व आभार व्यक्त किया है।
हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सनिर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड में पंजीकृत कामगारों के खाते में प्रदेश सरकार ने पैसे डाले है जिसका व्यापार मंडल बिलासपुर स्वागत करता है। व्यापार मंडल बिलासपुर के अध्यक्ष सुनील गुप्ता, शान अली, महासचिव सुरेंद्र गुप्ता, वरिष्ठ उपप्रधान तरुण टाडू, उपप्रधान नवीन ठाकुर, राल लाल, दीपक शर्मा, अनु सौरभ, सह सचिव चन्द्रशेखर हांडा, राज वर्मा, सलाहकार राजपाल दबड़ा, नरेंद्र खन्ना, कोषाध्यक्ष अमित गुप्ता, आयोजन मंत्री अजय चन्देल, करीम खान, प्रेस सचिव अर्पण सन्त व असिस्टेंट सेकेट्री राजेश कुमारी जम्वाल ने हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का धन्यवाद व्यक्त करते हुए कहा है कि इससे लौकडाउन के चलते इन गरीब कामगारों को कुछ राहत मिलेगी। व्यापार मंडल ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि इनके साथ साथ जो कामगार दुकान एवम वाणिज्य अधिनियम के अंतर्गत पंजीकृत है उन्हें भी ये राशि प्रदान की जाए क्योंकि लौकडाउन के दौरान उन कामगारों को भी काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। व्यापार मंडल के प्रधान सुनील गुप्ता व महासचिव सुरेंद्र गुप्ता ने कहा कि इसके साथ ही पंजीकृत व गैर पंजीकृत मंझोले दुकानदार, बार्बर, ब्यूटी पार्लर, खोखा, रेहड़ी वालों को भी यह राशि सरकार द्वारा उन्हें मुहैया करवाई जानी चाहिए। लौकडाउन के चलते हर वर्ग के लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा है व पड़ रहा है लेकिन सरकार ने कुछ वर्ग को तो राहत प्रदान कर दी है लेकिन कुछ वर्ग अभी भी इस समस्या से जूझ रहे है। व्यापार मंडल बिलासपुर हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री से मांग करता है कि उनकी इस मांग पर ध्यान देते हुए इन कामगारों को भी राहत प्रदान की जाए।
जिला दंडाधिकारी सोलन केसी चमन ने कोरोना वायरस के खतरे के दृष्टिगत जिला के बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ (बीबीएन) सहित अन्य औद्योगिक क्षेत्रों से तैयार उत्पादों को देश के विभिन्न भागों में समय पर पहुंचाने के उद्देश्य से सेवा प्रदाताओं के आवागमन की सुविधा एवं नियमन के लिए मानक परिचालन प्रक्रिया(एसओपी) के संबंध में आदेश जारी किए हैं। इन आदेशों के अनुसार सभी सेवा प्रदाताओं एवं निरीक्षण प्राधिकरणों को इस संबंध में लिखित में प्रस्तुत करना होगा। जिला के बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ क्षेत्र के लिए उपनिदेशक उद्योग बद्दी को वेबसाइट पर तथा सोलन जिला के शेष क्षेत्रों के लिए जिला उद्योग केंद्र सोलन के महा प्रबंधक को वेबसाइट पर लिखित में प्रस्तुत करना होगा। आदेशों के अनुसार जब भी सेवा प्रदाता अथवा निरीक्षण प्राधिकरण औद्योगिक इकाई में आएंगे तो प्रत्येक ऐसे दौरे की मार्ग योजना (रूट प्लान) संबंधित पुलिस अधिकारी को प्रस्तुत करनी होगी। बीबीएन क्षेत्र के लिए पुलिस अधीक्षक बद्दी तथा अन्य क्षेत्रों के लिए पुलिस उपाधीक्षक परवाणू को दौरे की तिथि से एक दिन पूर्व इस संबंध में सूचित करना होगा। यह एसओपी केवल जिला के औद्योगिक क्षेत्रों में कार्यरत औद्योगिक इकाईयों में आने वाले सेवा प्रदाताओं एवं निरीक्षण प्राधिकरणों के लिए है। सेवा प्रदाता तथा निरीक्षण प्राधिकरण औद्योगिक इकाई में केवल औद्योगिक मशीनरी की मुरम्मत एवं रखरखाव तथा गुणवत्ता नियंत्रण इत्यादि के लिए ही आ पाएंगे। इस विषय में जिला के संबंधित उद्योग द्वारा निर्धारित प्रपत्र पर लिखित में प्रस्तुत किया जाएगा। संबंधित उद्योग द्वारा आने वाले व्यक्तियों की विस्तृत जानकारी भी निर्धारित प्रपत्र पर दी जाएगी। संबंधित औद्योगिक इकाई में उक्त कार्य के लिए अपने कर्मी भेजने वाली संस्था भी निर्धारित प्रपत्र पर लिखित में प्रस्तुत करेगी। औद्योगिक इकाई का प्रबंधन यह सुनिश्चित बनाएगा कि बाहर से आने वाला सेवा प्रदाता इकाई में कार्यरत कामगारों एवं कर्मियों के साथ मेलजोल न करें। इन सेवा प्रदाताओं को राज्य में आने की अनुमति निर्धारित शर्तों पर प्रदान की जाएगी। इसके अनुसार इन सेवा प्रदाताओं का कोरोना वायरस संक्रमित व्यक्तियों के साथ कोई संबंध एवं ऐसे क्षेत्रों की यात्रा का इतिहास नहीं होना चाहिए। इन सेवा प्रदाताओं के प्रवेश का नियमन प्रवेश स्थल के अनुसार बीबीएन क्षेत्र के लिए बरोटीवाला बैरियर तथा परवाणू के लिए पुराना बैरियर होगा। बैरियर पर ही स्वास्थ्य विभाग द्वारा इनकी स्क्रीनिंग की जाएगी। संबंधित व्यक्ति को आरोग्य सेतु ऐप डाउनलोड करनी होगी और दैनिक आधार पर अपनी सूचना अद्यतन करनी होगी। संबंधित पुलिस अधिकारी द्वारा स्वीकृत मार्ग योजना का पूर्ण पालन करना होगा। इस संबंध में मार्ग योजना का पालन न करने एवं बिना आवश्यक अनुमति के पाए जाने पर विधि सम्मत कार्रवाई की जाएगी। सभी को सोशल डिस्टेन्सिग एवं सेनेटाइजेशन सहित प्रदेश सरकार एवं जिला दंडाधिकारी द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना होगा। यह आदेश तुरंत प्रभाव से लागू हो गए है तथा आगामी आदेशों तक प्रभावी रहेंगे।
प्रदेश की प्रमुख संस्था रेनबो स्टार क्लब के संस्थापक ईशान अख्तर की अगुवाई जिला बिलासपुर में कोरोना वायरस के चलते पुलिसकर्मियों को बेहतर सेवाएं देने के लिए सम्मानित किया गया। रेनबो स्टार क्लब के मुख्य सलाहकार निर्मला राजपूत एवं सह सचिव तनवीर खान ने बताया कि द्वितीय चरण में सुपर मार्केट टाडू चेतना चौक में ड्यूटी दे रहे पुलिस कर्मचारियों को देश हित में कोरोना से बचाने हेतु रिफ्रेशमेंट कीट एवं फूल देखकर देकर सम्मानित किया गया। रेनबो स्टार क्लब के प्रधान अजय कौशल ने बताया कि पूरे प्रदेश में भारत हिमाचल रेनबो स्टार क्लब के पदाधिकारी देश की अग्रणी सामाजिक संस्थान लाडली फाउंडेशन एवं हिंदू मुस्लिम राष्ट्रीय मंच सर्वधर्म समभाव के सहयोग से सभी कोरोना योद्धाओं को सम्मानित करेंगे। इसी मुहिम में बिलासपुर से कोरोना योद्धाओं को सम्मानित करने की मुहिम छेड़ी गई है। जिला के सभी ब्लॉकों में तैनात पुलिस विभाग स्वस्थ विभाग सफाई कर्मचारियों इत्यादि प्रमुख अन्य सामाजिक संस्थाओं के क्रोना योद्धाओं को सम्मानित विभिन्न विभिन्न चरणों में किया जाएगा। इस मौके पर प्रमुख सामाजिक संस्थाओं के पदाधिकारी अनीता शर्मा, रेखा बिष्ट, अनिता जसवाल, शीला सिंह, निशा देवी, ज्योति कुमारी, पंडित सत्यदेव शर्मा, रीना ठाकुर, शीतल, रश्मि गौतम, नीतीश कुमार, वासुदेव, पवन कुमार, शालु इत्यादि सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद रहे।
सदर विधानसभा क्षेत्र के युवा नेता एवम प्रदेश महासचिव आशीष ठाकुर ने वीरवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हरलोग में चिकित्सा विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को सेफ्टी गाउन वितरित किए। युवा नेता ने कहा कि यह सेफ्टी गाउन नैना देवी जी विधानसभा क्षेत्र के विधायक राम लाल ठाकुर ने उनके आग्रह पर उन्हें मुहिया करवाये।आशीष ठाकुर ने बताया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टर अरुण, स्टाफ नर्स प्रेम लता, फार्मासिस्ट राजिंदर, लैब टेक्नीशियन के के चन्देल, स्टाफ नर्स मोमिना, सफाई कर्मचारी परमानंद मौजूद थे जिन्हें सेफ्टी गाउन दिए। इस मौके पर युवा नेता ने कहा कि वैश्विक महामारी जिस तरह देव भूमि में अपने पावँ पसार रही है यह गहन चिंतनीय विषय है। आशीष ठाकुर ने कहा कि चिकित्सा विभाग के लोग दिन रात जनता की सेवा में लगे हुए है, पर सरकार ओर विभाग उनकी अनदेखी कर रहे हैं। उन्होंने प्रदेश सरकार और स्वास्थ्य विभाग से पुनः मांग की है कि बॉर्डर्स पर तैनात स्वास्थ्य कर्मचारी जो दिन रात बाहरी प्रदेशो से आने वाले लोगो की स्वास्थ्य जांच कर रहे है, उन्हें पीपीई किट्स मुहिया करवाई जाए साथ मे आशीष ठाकुर ने जनता से अपील की है कि वो अपने घरों में ही रहे। आशीष ठाकुर ने प्रदेश के मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया कि उन्होंने बिलासपुर के स्वारघाट क्वारन्टीन सेंटर में कुहमझवाड़ के युवक की मौत के ऊपर कड़ा संज्ञान लेते हुए मैजेस्ट्रीयल जांच के आदेश प्रशासन को जारी किए है। युवा नेता ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि उक्त मामले की निष्पक्षता के साथ जांच हो ताकि दोषियों को सख्त से सख्त सजा मिल सके। युवा नेता ने मुख्यमंत्री से निवेदन किया है कि उक्त युवक बहुत ही गरीब परिवार से सम्बद्ध रखता था,उक्त युवक के परिवार को सरकार की तरफ से आर्थिक मदद की जाए ताकि इस दुख की घड़ी में युवक का परिवार अपना गुजर बसर कर सके साथ मे उसके परिवार के एक व्यक्ति को सरकारी क्षेत्र में रोजगार दिया जाए। इस मौके पर उनके साथ आशीष चन्देल व मनीष चन्देल मौजूद रहे।
Chief Minister Jai Ram Thakur gave a clarion call to the Pradhans of Gram Panchayats and other elected representatives of grass root level democratic institutions to come forward to ensure effective management and execution of home quarantine facilities in the State to check spread of corona pandemic in their respective areas. Chief Minister was addressing the elected representatives of Panchayati Raj Institutions of Mandi and Kullu districts through video conferencing from Shimla. He said that since over one lakh Himachalis stranded in various parts of the country had returned to the State and about 60,000 have expressed their willingness to return to the State in the wake of coronavirus. Jai Ram Thakur said that although the State Government had decided to keep those coming from red zones in institutional quarantine but still there was possibility of corona infection from even those coming from green or orange zones. He said that since they were being kept under home quarantine, therefore, it was essential that proper protocol was maintained to ensure that other members of the families do not get infected. Chief Minister urged the Panchayat pradhans to give their wholehearted cooperation in effectively implementing the ‘Nigah’ programme launched by the State Government. He said that this programme envisages to keep a vigil on those under home quarantine so that they do not jump from the quarantine. He said that PRIs representatives should come forward to motivate the family members to maintain social distancing with the person undergoing home quarantine. Jai Ram Thakur said that the PRIs representatives should gather prior information regarding arrival of a person from other parts of the country in their respective areas and also visit the house of the person in advance, so that appropriate steps could be taken for proper isolation of the person. Chief Minister also urged the Pradhans to effectively undertake various developmental works in their respective areas. He said that this would not only ensure that the pace of development goes uninterrupted but would also provide employment to the local populace. He said that steps should also be taken to effectively execute works under MNREGA as government had provided adequate funds for the same. He said that Prime Minister Narendra Modi has announced Rs. 20 lakh crore financial package to ensure welfare of each and every section of the society. He said that this was the biggest economic package post independence which envisages economic revival and economic upliftment of all. Rural Development and Panchayati Raj Minister Virender Kanwar thanked the Pradhans for their wholehearted cooperation to the Government in checking the spread of coronavirus. Chairperson Zila Parishad Mandi Sarla Thakur, Pradhan Gram Panchayat Namhog Kullu Kishan Chand, Pradhan Gram Panchayat Kehad Mandi Ajana Kumari, Member Zila Parishad Kullu Hiteshwar, Pradhan Gram Panchayat Kharagarh Kullu Jai Singh and other pradhans also shared their views on the occasion. Chief Secretary Anil Khachi, Secretary Rural Development Dr. R.N. Batta, Director Rural Development and Panchayati Raj Lalit Jain and other senior officers were also present on the occasion.
कोरोना वायरस के खतरे के दृष्टिगत सोलन जिला में बाहरी राज्यों से आने वाले व्यक्तियों की पूरी जानकारी अद्यतन एवं त्रुटिरहित रखने एवं होम क्वारेनटाइन किए गए व्यक्तियों के विषय में उचित जानकारी के उद्देश्य से एक सॉफ्टवेयर आरंभ करने के विषय में संबंधित अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया। प्रशिक्षण सत्र की अध्यक्षता उपायुक्त सोलन केसी चमन ने की। केसी चमन ने इस अवसर पर कहा कि यह सॉफ्टवेयर सोलन जिला में बाहरी राज्यों से प्रवेश करने वाले होम क्वारेनटाइन किए गए व्यक्तियों की पूरी जानकारी रखने के विषय में तैयार किया गया है। इस सॉफ्टवेयर के माध्यम से सोलन जिला में बाहरी राज्यों से प्रवेश किए उन व्यक्तियों की जानकारी प्रशासन, पुलिस तथा संबंधित थाने के पास पहुंच जाएगी जो होम क्वारेनटाइन हैं। सॉफ्टवेयर पर यह जानकारी एक ऐप के माध्यम से पहुंचेगी। इस ऐप को सभी संबंधित अधिकारियों एवं होम क्वारेनटाइन किए गए व्यक्तियों को अपने मोबाइल फोन पर डाउनलोड करना होगा। उन्होंने कहा कि इस मोबाइल ऐप को बवअपकबवदजतवसण्पद के माध्यम से केवल गूगल क्रोम से डाउनलोड किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि ऐप के माध्यम से क्वारेनटाइन किए गए व्यक्तियों की सूचना जीपीएस लोकेशन के द्वारा सॉफ्टवेयर तक पहुंच जाएगी। वास्तविक डाटा पुलिस व प्रशासन के पास हर समय उपलब्ध रहेगा। केसी चमन ने कहा कि इस सॉफ्टवेयर एवं ऐप का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि होम क्वारेनटाइन तोड़ने अथवा क्वारेनटाइन क्षेत्र से बाहर जाने वाले व्यक्ति की सूचना तुरंत संबंधित पुलिस थाने व प्रशासन को जिओ फेन्स तकनीक के माध्यम से मिल जाएगी। इससे ऐसे व्यक्तियों को चिन्हित कर संस्थागत क्वारेनटाइन करने में सुविधा होगी। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा निर्धारित समय अवधि में होम क्वारेनटाइन किए गए व्यक्ति को निर्धारित अंतराल पर अपनी सेल्फी आवास के बाहर इस संबंध में प्रदर्शित पोस्टर के साथ खींचकर अपलोड करनी होगी। उपायुक्त ने कहा कि कोविड-19 के खतरे से निपटने के लिए सभी को बेहतर समन्वय के साथ कार्य करना आवश्यक है। उन्होंने सभी ग्राम पंचायत प्रधानों, जिला की सभी नगर परिषदों के अध्यक्षों एवं पार्षदोें, सभी उपमंडलाधिकारियों, तहसीलदारों, खंड विकास अधिकारियों तथा अन्य संबंद्ध अधिकारियों से आग्रह किया कि अपने-अपने क्षेत्र में होम क्वारेनटाइन किए गए व्यक्तियों की पूरी जानकारी रखें। बैठक में पुलिस अधीक्षक सोलन अभिषेक यादव, अतिरिक्त उपायुक्त विवेक चंदेल, भारतीय प्रशासनिक सेवा की परिवीक्षाधीन अधिकारी डॉ. निधि पटेल एवं रितिका, उपमंडलाधिकारी सोलन रोहित राठौर, उपमंडलाधिकारी कंडाघाट डॉ. संजीव धीमान, उपमंडलाधिकारी अर्की विकास शुक्ला, विभिन्न खंड विकास अधिकारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने प्रदेश सरकार द्वारा सार्वजानिक वितरण प्रणाली के तहत एपीएल परिवारों को सब्सिडी के सस्ते राशन से बाहर करने के निर्णय पर हैरानी जताते हुए कहा है कि इस निर्णय से आम लोगों के जीवन पर विपरीत और व्यापक असर पड़ेगा। उन्होंने कहा है कि आज देश आर्थिक मंदी के साथ साथ कोरोना माहमारी से लड़ रहा है, ऐसे में बढ़ती महंगाई से आम लोगों को राहत दी जानी चाहिए न कि उन पर महंगाई थोपनी चाहिए। वीरभद्र सिंह ने कहा है कि प्रदेश में आधे से ज्यादा लोग मिडल क्लास परिवार के ही है।लोग खेती बाड़ी,या बागवानी या फिर छोटा मोटा कारोवार करके अपना व अपने परिवार का बसर कर रहें है।उन्होंने कहा है कि प्रदेश में पूर्व कांग्रेस सरकार ने देश मे बढ़ती महंगाई व प्रदेश के लोगों की आर्थिकी को देख कर ही डिपुओं के माध्यम से सस्ते अनाज देने की एक बड़ी व्यवस्था शुरू की थी। इसके लिए उनकी सरकार ने हमेशा ही उचित बजट का प्रावधान भी किया पर आज यह व्यवस्था कही न कही टूटती सी नज़र आई है। वीरभद्र सिंह ने प्रदेश सरकार को अपने इस फैंसले पर पुनः विचार करने की सलाह देते हुए कहा है कि इस समय जबकि देश गंभीर चुनोतियों से गुज़र रहा है ऐसे में लोगों के साथ न तो कोई अन्याय होना चाहिए और न ही किसी प्रकार का भेदभाव।उन्होंने कहा है कि प्रदेश सरकार को जल्द ही ऐसी कोई योजना बनानी चाहिए जिससे बढ़ती महंगाई पर काबू हो सकें साथ ही बेरोजगारी की बढ़ती समस्या कम हो सकें। उन्होंने प्रदेश सरकार को यह भी सलाह दी है कि उन्हें केंद्र से ओर विशेष आर्थिक मदद की मांग करनी चाहिए और धन का पूरा सदुपयोग किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा है कि प्रदेश के लोगों पर इस समय न तो किसी भी प्रकार कर, टेक्स लगना चाहिए और न ही इस समय उनसे कोई बसूली की जानी चाहिए।
भारत की कम्युनिस्ट पार्टी(मार्क्सवादी) नेता संजय चौहान ने कहा कि हमारी पार्टी प्रदेश सरकार द्वारा कैबिनेट बैठक में राशन में दी जाने वाली सब्सिडी में कटौती व 9 लाख से ज़्यादा ए पी एल राशनकार्ड धारकों को दिए जाने वाले राशन की कीमतों में की गई वृद्धि के निर्णय की कड़ी निंदा करती है तथा इस जनविरोधी निर्णय को तुरन्त वापिस लेने की मांग करती है। सरकार के इस जनविरोधी व अतार्किक निर्णय से स्पष्ट हो जाता है कि सरकार महामारी की आढ़ में सार्वजनिक वितरण प्रणाली को समाप्त करने का कार्य कर रही है। इस निर्णय से पहले ही आर्थिक संकट से जूझ रहे गरीब मजदूर, किसान, ठेका व अन्य कर्मचारी तथा छोटा व्यापारी जो रोज मेहनत कर अपनी रोजी रोटी अर्जित करते हैं वो अत्यंत प्रभावित होंगे और इनका संकट और अधिक बढेगा। उन्होंने कहा कि आज वैश्विक महामारी से पैदा हुई इस विषम परिस्थिति में जहाँ सरकार को आर्थिक संकट से जूझ रही जनता को राहत प्रदान करने के लिए कार्य करना चाहिए व राहत प्रदान करनी चाहिए थी वहीं सरकार जो कुछ छोटी मोटी मदद दे भी रही थी उसे भी महामारी के नाम पर छीन रही है। आज देश व प्रदेश में सरकार द्वारा लॉकडाउन व कर्फ्यू लागू किये 50 दिन से अधिक समय हो गया है जिसके कारण अधिकांश मजदूरों, किसानों, ठेका कर्मचारियों, छोटे व्यापारियों व अन्य वर्गो का काम धंधा लगभग बिल्कुल बन्द रहा है और कोई भी कमाई नहीं हो पाई है। इसके कारण इनके सामने एक गंभीर आर्थिक संकट खड़ा होने से इनको रोजी रोटी से भी वंचित होना पड़ गया है। उन्होंने कहा कि ऐसी विषम परिस्थिति में जहां देश व प्रदेशवासियों को सरकार से आर्थिक व अन्य रूप से राहत की दरकार है और प्रधानमंत्री ने देश मे 20 लाख करोड़ रुपये राहत के रूप में देशवासियों के लिए घोषणा भी की है। ऐसी स्थिति में प्रदेश सरकार द्वारा राशन की सब्सिडी में की गई कटौती का निर्णय बिल्कुल भी तार्किक व न्यायसंगत नही है। एक ओर प्रदेशवासी प्रधानमंत्री द्वारा घोषित राहत की इंतजार कर रहें हैं और इसके विपरीत प्रदेश सरकार के द्वारा इस घोषणा के एक दिन बाद ही इस राशन सब्सिडी में कटौती का निर्णय ले लिया जिसने प्रदेशवासियों को स्तब्ध कर दिया है। प्रदेश सरकार का इस निर्णय के पीछे ये तर्क देना कि इससे प्रति वर्ष 71 करोड़ (जो कि कुल दी जा रही खाद्य सब्सिडी का लगभग 65 प्रतिशत है) की बचत होगी बिल्कुल ही अतार्किक व समझ से परे है। आखिर सरकार ऐसी वैश्विक महामारी से पैदा हुई इस विषम परिस्थिति में प्रदेश की आर्थिक संकट से जूझ रही आधी से अधिक आबादी को राशन को महंगा कर उसे इससे वंचित कर रही है। प्रदेश सरकार का यह निर्णय भारत के संविधान की मूल भावना व मानवाधिकारों का हनन है क्योंकि देश व प्रदेश की जनता को रोटी व अन्य मूलभूत आवश्यकताएं उपलब्ध करवाना सरकार का संवैधानिक उत्तरदायित्व है। प्रदेश सरकार यदि आज इस राशन में सब्सिडी में कटौती के पीछे अपनी आर्थिक दशा ठीक न होना कारण दे रही है तो इसके लिए सरकार द्वारा प्रदेश में अपनाई जा रही आर्थिक नीतियां ही जिम्मवार है। एक ओर सरकार अनावश्यक इवेंट व कार्यक्रम आयोजित कर, महंगी गाड़ियां की खरीद कर और अनावश्यक मद्दों पर फजूलखर्च कर करोडों रुपये लुटवा रही है और इसकी पूर्ति प्रदेश की आधी से ज़्यादा आबादी के राशन की सब्सिडी में कटौती करके कर रही है। सरकार का यह तर्क बिल्कुल भी जायज़ नहीं है क्योंकि इसका प्रावधान सरकार ने पहले ही बजट में कर रखा है। सरकार यदि गम्भीर आर्थिक संकट से जूझ रही है तो मुख्यमंत्री राहत कोष में जमा धन को राशन में सब्सिडी के लिए प्रयोग में ला सकती हैं क्योंकि खाद्यान्न की उपलब्धता जीवन के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि सी.पी.एम.मांग करती हैं कि प्रदेश सरकार अपने संवैधानिक उत्तरदायित्व को ध्यान में रख कर इस खाद्य सब्सिडी में की गई कटौती के निर्णय को तुरन्त वापिस ले और बी पी एल, ए पी एल व सभी को सार्वजनिक वितरण प्रणाली से सस्ता राशन उपलब्ध करवाए तथा इसका सार्वभौमिकरण किया जाए। आटा, चावल, दालों, चीनी, तेल व अन्य वस्तुओं की कीमतों में की गई वृद्धि तुरन्त वापिस की जाए। सभी को 10 किलो प्रति व्यक्ति के हिसाब से तीन महीने के लिए सस्ता राशन उपलब्ध करवाया जाए ताकि प्रदेश में इस विषम परिस्थिति से उत्पन्न संकट से जूझ रही जनता को रोजी रोटी उपलब्ध हो सके।
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने विश्व बैंक द्वारा वित्त पोषित हिमाचल प्रदेश बागवानी विकास परियोजना के तहत ई-उद्यान पोर्टल तथा इसी पोर्टल का मोबाइल एप्लीकेशन का शुभारम्भ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इस पोर्टल के माध्यम से उद्यान विभाग की विभिन्न सेवाओं के लिए मैनेजमेंट इन्फार्मेशन सिस्टम तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि इस पोर्टल में बागवानी संबंधित सभी योजनाओं की जानकारी किसानों तथा अन्य हितधारकों को आसानी से उपलब्ध होगी। जय राम ठाकुर ने कहा कि बागवानी विकास परियोजना के तहत इस व्यवस्था से लाभार्थियों को फलों की नर्सरी का रजिस्ट्रेशन, पौधों की मांग, बागवानी से संबंधित औजार इत्यादि की मांग, कीटनाशकों की खरीद, खुम्ब के लिए कम्पोस्ट की मांग, मधुमक्खी छत्तों की मांग, सब्सिडी इत्यादि बागवानी क्षेत्र की सेवाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन करने की सुविधा प्रदान की गई है। उन्होंने कहा कि यह पोर्टल उद्यान विभाग के अधिकारियों के लिए भी ऑनलाइन प्रोसेसिंग की सुविधा प्रदान करेगा जिससे बागवानों को समय पर सेवाएं प्रदान करने में सुविधा होगी। यह सेवा हिमाचल प्रदेश पब्लिक सर्विस गारंटी एक्ट के तहत सिटीजन चार्टर के तहत कार्य करने में भी मद्दगार सिद्ध होगी। उन्होंने कहा कि यह पोर्टल विभाग की सभी सुविधाओं के लिए सिंगल विंडो का कार्य करेगा जिससे किसान सभी सुविधाओं का लाभ घर बैठे ही उठा सकेंगे। जय राम ठाकुर ने बागवानों से आग्रह किया कि वे इस पोर्टल का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। उन्होंने उद्यान विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देश दिए कि वे बागवानों द्वारा वांछित जानकारी को इस पोर्टल के माध्यम से तुरन्त प्रदान करें, जिससे विभाग के कार्यालयों में लोगों की आवाजाही कम हो सकेगी और यह पोर्टल कोविड-19 महामारी के समय जारी दिशा निदेर्शों के तहत सामाजिक दूरी बनाए रखने में भी अहम भूमिका निभाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने विगत दिनों प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा देश के मुख्यमंत्रियों के साथ आयोजित वीडियो कॉन्फ़्रेंसिंग में भी दिल्ली की आजादपुर मंडी में कोरोना के अधिक मामले सामने आने के कारण इस मंडी के बार बार बंद होने से उत्पन्न स्थिति से बचने के लिए प्रदेश के बागवानों को उनके उत्पादों को बेचने के लिए वैकल्पिक मंडी स्थापित करने का आग्रह किया है ताकि प्रदेश के बागवानों को अपने उत्पाद बेचने में किसी प्रकार की परेशानी न हो। बागवानी मंत्री महेन्द्र सिंह ठाकुर ने हिमाचल प्रदेश बागवानी विकास परियोजना की विशेषताओं से मुख्यमंत्री का अवगत कराया।
भाजपा के मुख्य प्रवक्ता रणधीर शर्मा ने कहा कि कांग्रेस के नेता अपनी राजनीति चमकाने में लगे हैं इसीलिए इस प्रकार की बयानबाजी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का यह कहना गलत है कि सरकार किसी भी प्रकार के सुझाव नहीं ले रही है। कांग्रेस अगर बैठक करके एकमत में अगर अपना सुझाव पत्र भेजेगी तो सरकार उसको अपनाएगी और उस पर विचार करेगी । रणधीर शर्मा ने कहा कि कभी कांग्रेस का एक नेता तो कभी दूसरा सुझाव देता है तो कभी तीसरा सुझाव देता है, पर कोई एक सुझाव नहीं दे पा रहा है । उन्होंने कहां की कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने सरकार को उसकी सफलता का परिणाम पत्र दे दिया है तो जितने भी कांग्रेस के छोटे नेता जो बयान देते हैं उनकी बयानबाजी से कोई फर्क नहीं पड़ता है । उन्होंने सैनिटाइजर घोटाला पर बातचीत करते हुए कहा कि कांग्रेस इस घोटाले पर जो हल्ला मचा रही है वह गलत है। जिस प्रकार से प्रदेश के मुख्यमंत्री ने यह मामला सामने आते ही उस पर कार्रवाई की मांग की और इस मामले में एफआइआर भी दर्ज हो गई है, यह दिखाता है कि सरकार किस गति से कार्य करती है और गलत को रोकने की कोशिश भी करती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को सरकार के और केंद्र सरकार के अच्छे कार्य तो दिखते नहीं है जिस प्रकार से सभी गरीबों के खाते में दो 2000 के पहुंचाना महिला के हाथों में पांच पांच वाक्य बचाना और इतने महीने कोई भी व्यक्ति भूखा नहीं सोया इस प्रकार के कार्य कांग्रेस को दिखते नहीं है पर कांग्रेस नकारात्मक बयानबाजी करती है और अपनी राजनीति चमकाने में लगी है। उन्होंने कहा एक तरफ एक व्यक्ति इनकम टैक्स दे रहा है और दूसरी जगह सबसे ड्रिंक ले रहा है यह अपने में ही विरोधाभास है आज के संकट के समय यह अच्छा निर्णय है और सभी को मिलकर इस को अमलीजामा पढ़ाना चाहिए और इस पर राजनीति नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि 18 मई से पहले सरकार कर सकती है अपने निर्णयों की घोषणाएं जितनी भी सुझाव सरकार के पास आए हैं उनमें से अलग-अलग ग्रीन जोन ऑरेंज जोन और रेड जोन के लिए निर्णय ले सकती है, आर्थिक गतिविधियां जल्द ही प्रदेश में बढ़ने वाली है। उन्होंने कहा कोविड-19 फण्ड का दुरुपयोग नहीं हुआ है, जो मोबाइल फोन सरकार ने लिए है जिस का ज़िक्र कांग्रेस बार बार कर रही है,उसका पैसा 3 महीने पहले ही आपदा प्रबंधन समिति को प्राप्त हुआ था और उसी पैसे से यह मोबाइल फोन लिए है। कांग्रेस के नेता ने तो कोरोना के खिलाफ लड़ाई लड़ पा रहे है ना तो कांग्रेस जनता के हितों की लड़ाई लड़ पा रही है। उन्होंने कहा कांग्रेस हास्य का पात्र बन चुकी है और एक प्रतिनिधिमंडल राजभवन में मिलने गया था जिसमें कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष भी उपस्थित नहीं थे।
पंजाब से सटे हिमाचल के प्रमुख व्यापारिक कस्बे डमटाल में जम्मू-जालंधर हाईवे पर एक निजी बस हादसे का शिकार हुई है। हादसा डमटाल पुलिस थाना के तहत सघेड़ पुल के पास हुआ है। उत्तर प्रदेश की निजी दिल्ली से 18 विद्यार्थियों को जम्मू कश्मीर के कारगिल छोड़ने जा रही थी। सघेड़ पुल के पास बस अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। बस में ड्राइवर और कंडक्टर समेत कुल 20 लोग सवार थे। इनमें से 18 घायल हैं, जिनमें पांच की हालत गंभीर है। जानकारी के अनुसार, नियंत्रण खोने के बाद बस सीधा सड़क किनारे बने डिवाइडर को तोड़ते हुए बिजली के ट्रांसफार्मर से जा टकराई। 5 घायलों को इलाज के लिए पठानकोट के अस्पताल में भेज गया है। प्राथमिक उपचार के बाद घायलों को जम्मू मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। सभी विद्यार्थी लदाख के रहने वाले हैं। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। थाना डमटाल के प्रभारी हरीश गुलेरिया ने बताया कि सूचना मिलते ही थानां डमटाल की टीम मौके पर पहुंची और साक्ष्य जुटाए गए हैं। चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर बस कब्जे में ली गई है। डीएसपी नूरपूर डॉक्टर साहिल अरोड़ा ने मामला दर्ज होने की पुष्टि की है ।


















































